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अपडेट 101
मैंने जो क़र्ज़ लिया अपने लिए नहीं लिया समझे
तुम सब के लिए hi किया ह
में... चुप रहो तुम मुझे तुमसे नफरत हो रही ह
में गुस्से में निकल गया मुझे किसी भी तरह फ़िज़ा को चुराना था
अब आगी....
में वह से गुस्से से भरा हुआ
चले जा रहा था
मेरा मार आज गिर गया था आज तक में किसी के पैरो में नहीं गिरा
और गिरा वो बर्दास्त हो रहा था
पर मेरी बहन की जो हालत थी वो बर्दास्त करना मुश्किल हो रहा था
मैंने सोच लिया था इस बाबा का नमो निसान मिटा दूंगा
मेरी नजर के सामने मेरी मासूम बहन का रोटा हुआ चेहरा
मुझे सुकून नहीं लेने दे रहा था
भले में अपनी बहनो को छुड़वाते देख मज़ा ले लेता हु पर जब बहने रोये तो बर्दास्त नहीं होता ह
और फ़िज़ा रो रही थी
मेरी समझ नहीं आ रहा था किया करू ऐसा
कैसे चुराऊँ अपनी बहन को
में कमजोर था उनके सामने
सारा दिन यही कोशिश करता था बिना कुछ खाये पिए
बाबा के बारे में लोंगो से पूछता था
पर बाकई में बाबा साला बहुत बड़ा गुंडा था
पुलिस में गया वह भी उसका कुछ नहीं कर पाया
पुलिस वाले उसकी की तरफ की बोले उल्टा मुझे बातें सुनाये
में समझ पुलिस की बास्की बात नहीं
इनके चक्कर में फ़िज़ा को नुक्सान पहुंचेगा
इक बात तो समझ आ गयी थी पावर और पैसा बहुत बड़ी चीज ह
इससे किसी को भी झुकाया जा सकता ह
इक पल को लग रहा था काशः में भी कोई अमीर आदमी होता
में शाम को परेशा होता हुआ घर आ गया
अम्मी मुझे देखते hi मुझे थप्पड़ मरने लगी
अम्मी... क्यू रिहान किया ज़रूरत थी उनसे लड़ने की
मेरी बाछहि की ज़िन्दगी ख़राब करदी तूने
मेरे सारे रिश्तेदार को पता चल गया था सब घर पे थे
हज़ारो सवाल थे लोंगो के
किसी का जवाब नहीं मेरे पास
चाचू मेरे पास आये मुझे उदास देख क्र उन्हें मुझपे तरस आ गया
मुझे सीने से लगा लिया
और मेरे सब्र का पैमाना झलक गया मेरे आंसू निकल आये
में... चाचू पे मुझे गुस्सा था
मैं कुछ नहीं बोलै
मेरी बहन का किया हाल होगा यही ख्याल
चाचू... चुप होजा रिहान
हमने 2 क्रूर का इंतिज़ाम कर लिया ह
हम उसके पास जेक कुछ टाइम मांगेगे
तू रोना बंद कर
में.. कहा से आये पैसे
मेरे... मां आये बोले
रिहान मुसीबत के वक्त हम काम नहीं आएंगे तो कोण आएगा
चाचू.. कुछः पैसे तेरे मां ने दिए और कुछः घर के जेबर बेच कर
और शॉप बेचना पड़ी बीटा
में... ये घर भी बेच दो फ़िज़ा को चुराना ह मुझे
सना आपि... रट हुए रिहान भाई हम कर लेंगे बाकि पैसे भी तू फ़िज़ा को ला इतने पैसे देकर
और ये घर भी गर्मी डाला ह
चाचू ने अपना हिस्सा पूरा बेच दिया
मां... चल रिहान में भी चलता हम उससे हाथ जोड़करर बिनती करेंगे
इतना हो हम पे रहम करेगा वो
निहाल.. आया बोलै रिहान टेंशन न लो कुछ टाइम रुको कुछ पैसे का में इंतिज़ाम कर दूंगा
मैंने भी सुना बाबा बहुत बड़ा गुंडा ह हमें उसके पैसे देना hi पड़ेंगे
वो माफ़ नहीं करेगा
अम्मी.. अब जल्दी जा तू फ़िज़ा को ला
चाचू.. हम जा रहे ह आयेशा
अम्मी... तुम चुप रहो तुम hi इस फसाद की जड़ हो
मां.. आयेशा बीटा ये किया तरीका बात करने का
चाचू... कोई बात नहीं बेटी का दुःख ह
सच hi तो कहा उसने मेरी बजह से हुआ ह ये सब
चाचू की आँखों से भी आंसू निकल आये
मां... तुम कमज़ोर मत पदों वर्ण इन बच्चू को कोण संभालेगा
मेरे पास खशीश आयी
आपको याद होगा ये करैक्टर ये मुझसे बहुत प्यार करती ह
शायद बहुत जियादा जिसका मुझे अंदाजा नहीं ह
खशीस... रिहान सब ठीक हो जायेगा प्लीज तुम परेशां मत हो अब जल्दी जाओ लेकर आओ फ़िज़ा को
फिर मां और चाचू में निकल गए 2 क्रूर लेकर
हबेली पे पहुंचे तो गॉर्ड ने पहचान लिया और अंदर जाने दिया
हम अंदर गए तो इक लड़की पेड़ पे लटकी थी
मां देख कर काँप गए
बाहर बाबा था हमें लड़की को देखता हुआ पाकर बोलै
बाबा... किया देख रहे हो
बहुत ज़ालिम दुन्या ह एरर इसके बाप ने इसे फांसी पे लटका दिया
मुझे बहुत दर्द हो रहा ह कैसे बाप होते ह कुछ लोग
अपनी बेटी को फांसी पे लटका देते ह
उफ्फ्फ्फ़
बाबा मगरमछ के आंसू पोछता हुआ बोले
में बाबा का मतलब समझ गया इस लड़की के बाप ने शायद बाबा के पैसे नहीं दिए होंगे
तो बाबा ने लड़की को मार दिया
हम खामोश खरे थे
बाबा... किया हुआ तुम लोंगो को
अच्छा तुम इतने ज़ालिम तो नहीं हो
लड़के अपनी बहन को मत मार देना
बहुत मासूम बहन ह तेरी
गद्य ह मासूम पारी जैसी
मुझे बहुत प्यार आ रहा उसपे
कैसे तू उसपे जुल्म कर रहा ह
रफीक एरर तेरी बेटी जैसी ह वो बल्कि बेटी hi समझो
जुल्म मत करो उसपे
सुबह से जाने कितनो को नीचे तुम लोग उसे लिटा चुकु हो
ज़रा भी रहम नहीं आ रहा तुमको कितने गॉर्ड मेरे उसे नोच चुके ह
और अब आ रहे हो तुम
ये सुनते दिल में दर्द सा हुआ
में... बाबा साहेब हम लाये ह आपके पैसे
मैंने 2 क्रूर बाबा के कदमो में रख दिए
बाबा... वह तुम प्यार करते ह अपनी बहन से
कितने हैं
में... ग 2 क्रूर ह हमें कुव्ह्ह टाइम देदो प्लीज सब पैसे दे देंगे आपके
हमसे अपने घर जेबर सब बेच दिए इतने hi हुए
बाबा... उफ्फ्फ बहुत तकलीफ हो रही ह मुझे जब में किसी की ऐसी हालत देखता हु मुझे बहुत दुःख होता ह
सच में यकीन मनो
में जल्लाद थोड़ी हु
कितने मासूम हो तुम लोग घर बेझ दिए घर के सब जेजेर बेच दिए फिर 2 क्रूर इखट्टे हुए
बहुत पैसे ह ये
अब तुम पूरे भिकारी बन गए हो
इतने अच्छे थे तो 2 क्रूर इखट्टे क्र पाए .
अब 5 क्रूर और कैसे इखट्टे करोगे
बहुत दुःख हो रहा ह मुझे
मां... बाबा साहेब 5 में शमझा नहीं
बाबा... अरे एरर मूल से जियादा मुझे बियाज़ प्यारा ह
रफीक तुमने बताया नहीं इनको
में.. चाचू ये
मेरा दिल सीने से निकला जा रहा था
चाचू नीची गर्दन किये खरे थे
में.. बाबा साहेब प्लीज हम पे रहम करो हम मूल नहीं दे प् रहे बियाज़ कैसे देंगे
बाबा... वही तो में पूछ रहा हु कैसे डोज 5 क्रूर और
कैसे कमाओगे चोरी करोगे इतनी बड़ी चोरी कैसे करोगे
बताओ
में समझ गया ये नहीं मानने वाला ह
में... ग में करूँगा कैसे भी आपके पैसे दूंगा
प्लीज बहन को चोरडे
बाबा.. उफ्फ्फ ये दिल न सकूं क्यू नहीं ह इसमें एरर
बताओ
में.... ग में
बाबा... है याररर में दुन्या की मुश्किलें देखता हु तो बहुत बेचैन हो जाता हु
इसी लिए में लोंगो को ज़िन्दगी में आगे बढ़ने के लिए पैसे देता हु
के लोग आगे बड़े इस बेरहम दुन्या में अपना नाम हासिल करे
इस ज़ालिम दुन्या को अपने कदमो में लाये
में चाहता था तेरे चाचू इक बड़े मकाम पे हो
उनका बारे रुतवा हो उनके बच्चे ऐस ऐस की ज़िन्दगी गुज़रें
अफ़सोस तुम्हारे चाचू की किस्मत ने साथ नहीं दिया
कैसे मुझे ये बताओ कैसे डोज मेरे पैसे
में... बाबा साहेब ये तो नहीं जनता में पर कैसे भी करके में दूंगा आपके पैसे
बाबा... नहीं एरर बहुत मुश्किल पैसे कामना
रफीक इक मश्वरा दूँ
अछ्हा है तुम जल्दी पैसे कमा सकते हो
चाचू... ग बाबा साहेब बताएं
बाबा... तुम्हारी फॅमिली बहुत लड़किया ह तुम्हारी बीबी इसकी अम्मी ह जो काफी हॉट और सेक्सी ह
क्यू न तुम सबसे धंधा करवाओ
और में तुम्हारी हेल्प करूँगा सच में
में अमीर गिराहक भेजूंगा तुम्हारे घर में
तुम घर में 4 मर्द हो सब दिन में गिराहक लाया करो ढून्ढ ढून्ढ
और कुछ हेल्प तुम्हारे मां कर देंगे
ये भी कुछ गिराहक भेज दिया करेंगे
सब से धंधा करवाओ जल्दी पैसे इखट्टे होंगे
और बदनाम तो होना पड़ेगा
वर्ण पैसा नहीं आएगा
मेरे मां पास थे में चाहता था इस बाबा को यही मार्डू
पर मज़बूर था
मां... ग बाबा साहेब ऐसा नहीं कर सकते हम हमारी भी कुछ इज़्ज़त ह दुन्या में
बाबा.. अबे गांडू तो बता कैसे देगा मेरे पैसे
बताओ पहले फिर कुछ सोचूंगा
निकलो अब यहाँ से
निकला इन तीनो को यहाँ से और पैसे ये डरा को देकर आओ
बाबा के गॉर्ड हमें हबेली से निकाल दिए
में अब टूट रहा था चाचू पे गुस्सा करके भी कुछ हासिल नहीं था
इक डीएम में बे तहाषा चीख पड़ा
खूब खोलने को हो गया
बाबा ने कहा मेरे बहन पे सुबह से जाने कितने दरिंदे चार चुके ह
दिल फटा जाये यद् कर कर के
मां... रिहं संत होजा बीटा कुछ सोच लेंगे हम
में... चीखता हुआ किया सोचोगे मामू
5 क्रूर ह इतने पैसे कहा से लॉन
चाचू रट हुए बैठ गए वो टॉट गए थे
इक नजर चाचू को देखा
में... अब रोने से किया हासिल करोगे वो हमें छोड़ेगा नहीं
में वह से चाचू और मां को चोर कर निकल गया
मुझे घर जाने नहीं था बहुत लोग थे घर में उनका सामना करना और मुश्किल था
और रिस्तेदार सुई की तरह चुप रहे थे सब
मेरे दिल बाबा की हबेली उठाने के ख्याल आने लगे
इक बम का इंतिज़ाम करके उठा देता हु
फिर मेरी बहन वह थी और जाने कितनी मासूम लड़किया उसके कैद में थी
सब मरती
बहुत रात हो गयी ऐसे hi फिरते फिरते कुछ समझ न आये
साहिल मेरे पास आया उसे भी सारा मामला पता चला
अनिल आदिल मेरे और दोस्तों को सारा मामला पता चल गया
मेरे पास आये सबके सहारे थे
पर पैसे इतना जियादा थे जो इखट्टे करना हम जैसे लोंगो के लिए नामुमकिन थे
साहिल... रिहान इक प्लान ह ज़हन में इतने पैसे तो हम इखट्टे क्र नहीं पाएंगे
पर अगर उसी तरह सोचे तो कुछ हो जाये
हम भी उसके किसी लड़के को गीतनापे करते ह
फिर उससे पैसे मांगेगे
आदिल... मरना ह किया भोस्डिके बाबा ह वो गांड फटती ह अच्छे लोंगो की उससे
ये नहीं हो पायेगा
में... ऐसा hi करूँगा में
अनिल... रिहं ये बहुत ख़तरनाक होगा मंहगा पद जायेगा हमको ये
में.. और कुछ चारा नजर नहीं आ रहा
चोरी भी इतने पैसो की नामुमकिन ह जैम जैसे लोगों के लिए
साहिल... भाई रिस्क तो उठाना पड़ेगा आखिर बहन का सवाल ह
अनिल.. सेल रिहान की बहन मेरी भी बहन ह
पर मेरी फॅमिली भी ह
में... में समझ रहा हु मुझे तुम किसी का साथ नहीं चाहिए
में नहीं चाहता तुम लोग भी मुसीबत में पद जाओ
बीएस मुझे इतनी हेल्प चाहिए उसका लड़का कब वेजर निकले गए ये पता चल जाये
और मेरे पास इक गन तो ह बीएस गोलियों का और इनतीज़ज़ाम करना ह
आदिल.. रिहान अगर प्लान फ़ैल हो गया तो बाबा बहुत बुरा करेगा तेरे साथ मार सकता ह वो तेरी बहन को और शायद तेरी फॅमिली को भी इसकी बड़ी कीमत झुकानी पड़ेगी
में... तो किया करू तू बता
मेरी जान से प्यारी बहन पे उन्होंने ज़ुल्म किया ह
कीमत झुकना पड़ेगी उन्हें
ज़िन्दगी जहन्नम बना दूंगा उस बाबा की तो
फिलहाल किसी तरह फ़िज़ा को चुरा लूँ अभी
आदिल.. य्र्र मेरी कुछ समझ नहीं आ रहा ह
तू जो भी करना बहुत संभाल के करना
अपनी पहचान मत लगने देना बीएस
साहिल.. अब तू घर जा एरर सबको तेरी ज़रूरत होगी
बाकि का हम देखते ह
तुझे बता देंगे
में फिर घेर गया सब उदास बैठे थे किसी ने कुछ नहीं खाया था
रिस्तेदार जो आये थे चले गए देख क्र मां और बुआ की फॅमिली थी बस
मैंने उनको भी कहा तुम लोग परेशां मत हो
आप लोग जाओ कुछ कर hi लेंगे हम
बुआ... बीटा ऐसी मुसीबत में तुम्हे अकेला कैसे चोरे
हम से जितना हुआ ह्मणे किया बीटा
में... ग बुआ में अहसान मंद हु आपका
यहाँ सोने की जगह भी नहीं ह आप भी सब परेशां होते होंगे
मां... बीटा परेशां किया होना
मेरे ज़िद करने पे सब चले गए
में आपि के पास गया
में... आपि में चुरा लूंगा फ़िज़ा को
तुम्हे मुझपे भरोषा ह न
आपि.. रट. हुए) और किसपे ब्रश होगा हमें बता
तू नहीं कुव्ह्ह करेगा तो कोण करेगा
में... Ok अछ्हा तुम अम्मी को खाना खिलाओ में खाना लेकर आया हु ये लो सब ने कुछ नहीं खाया
आपि... भाई मुझे भूँक नहीं ह
में.. आपि अम्मी का हाल देखो प्लीज खाना खिलाओ सब को
मैंने ज़बरदस्ती सब को थोड़ा थोड़ा खाना खिला दिया
पर चाचू ने नहीं खाया
वो फुट फुट कर रोने लगे
मुझे भी चाचू पे तरस आ गया
में.. चाचू रो रो क्र किया साबित कर रहे हो खाना खालो
चाचू... रिहान मेरा खुदा गबाह ह मैंने कभी कुढ़ के लिए नहीं सोचा
तुम्हारी ज़िन्दगी आसान करने के लिए मैंने क़र्ज़ लिया
तुझसे में बहुत प्यार करता हु
तू कुछ काम नहीं करता था
मुझे फ़िक्र होती थी तेरी तेरे लिए hi मैंने किया सब
टेक तो अच्छी ज़िन्दगी जी सके
अम्मी.. पहले ज़िन्दगी बर्बाद करदी अब प्यार जाता रहे ह
चची... आयेशा सच है रफीक रिहान से बहुत प्यार करते ह
इतना प्यार समीर से नहीं किया इन्होने
अम्मी.. हाँ नाजाइज़ औलाद जो है इनकी
चची... आयेशा बच्चे ह
अम्मी... हाँ इनको भी पता चलना चाहिए न
इनकी न जाइज़ औलादें ह ये
इनके बाब तो नाम के बाप थे
आयेजा के साथ किया किया ह इन्होने सब को पता तो चलना चाहिए न
अमीर बनना ह
मेरी बच्ची को मेरे होते हुए अनाथ बना दिया इन्होने
कभी अपनी पहली बेटी को अपने कलेचे से नहीं लगा पायी
मेरे सामने ह मेरी बच्ची और उसे पता नहीं कोण उसकी असली माँ ह
चची... अच्छा तो ये भी बताओ इनको आयेशा पहली बीबी हो तुम इनकी न जाइज़ कहा से हुआ ये सब
जवान होने से पहले hi इनसे शादी की तुमने
प्यार तो तुम दोनों hi करते थे इक दुसरे से
में तो दूसरी बीबी हु न फिर भी तुमसे कुछ शिकायत नहीं की
तुम्हारा हर बात में साथ दिया
तुम्हारे बच्चो को अपना बनाया कभी फर्क नहीं किया मैंने
और न hi इन्होने
समीर... अम्मी किया बोल रही हो
छाछी... हाँ बीटा आज इनको नफरत ह रफीक से
इनकी ये समझ नहीं आ रहा जो भी कुछ किया इन सबके लिए hi किया रफीक ने
इनकी आज तक जितनी ज़रूरतें पूरी करते हुए आये
और आयेजा की बात क्र रही ह तुम्हारी hi खातिर अनाथ आश्रम से निकाल के लाये थे
तुम्हारी hi खातिर मैंने जनमे को अपनी बेटी बताया आयेजा को
और सोनी को भी
तुम पहली बीबी हो इक ऐसे कोई बीबी नहीं करती है
जितना प्यार तुम्हे दिया इन्होने आज तक मुझे नहीं दे पाए
तुम पहला प्यार हो इनका
फिर आज ये बातें
समीर.. अम्मी में किसका बीटा हु
चाची.. तू मेरा hi बीटा ह
में... तुम तुम चुप रहो एरर
ये कोण सा टाइम ह
मेरी बहनो की आँखों में हज़ार हवाल थे
पर ये दुःख के माहौल में कोई कुछ पूछ न पाए
और शायद अम्मी और चची ने भी हमें सारे राज़ बताने का सोच लिया था
अप्पी.. छाछी चुप रहो हम फ़िज़ा का गम मनाये या तुम्हारे ये राज सुनके शौक हों
किया करे हम
ये टाइम ह ऐसी बातों का
प्लीज अभी तुम चुप रहो
हमारी ये समझ आ गया चाचू hi हम सब के बाप ह
अब कुछ नहीं छिपा खामोश रहो तुम
अम्मी.. रिहान फ़िज़ा को देखा तूने कैसी ह वो ठीक तो न वो
में.. अम्मी
अम्मी.. किया हुआ ठीक नहीं मेरी बच्ची
में... अम्मी में चुरा लूंगा उसे तुम मुझपे भरोषा करो
समीर... है हम चुरा लेंगे रिहान मेरे पास इक प्लान ह
में.. एरर मैंने कुछ सोचा ह तू बीएस मेरे साथ देना
चाचू... रिहान अब कुछ उल्टा सीधा मत कर देना
तूने देखा न उसने कैसे इक लड़की को फांसी देकर पेड़ पे लटका दिया था
रिहान बीटा फ़िज़ा की जान जा सकती ह इक गलती से
में.... मुझे अपनी बहन की फ़िक्र ह
तुम बस घर में बैठ रट रहो अपने किये पर

फिर आयेजा आपि अम्मी के पास आयी और अम्मी से चपिक के रोने लगी
में समझ सकता था उन्हें कैसा लगता होगा
वो जिनको अपनी असली माँ संहहति रही वो थी hi नहीं असली माँ उनकी
अम्मी... चुप होजा मेरी बच्ची
इतने सोनी भी अम्मी से आके चिपक के रोने लगी
हलीमा ये देख बोली
हलीमा.. अम्मी में किस की असली बेटी हु
चची.... तू मेरी hi ह और हुमैरा और साजिब भी
में... अम्मी अब चुप हो जाओ
फ़िज़ा को में चुरा लूंगा
प्लीज चुप हो जाओ
समीर... हाँ बड़ी अम्मी हम चुरा लेंगे अपनी बहन को
फिर सना आपि ने सब को संभाला और रात योंही गमो में गुज़र गयी
मैंने जो क़र्ज़ लिया अपने लिए नहीं लिया समझे
तुम सब के लिए hi किया ह
में... चुप रहो तुम मुझे तुमसे नफरत हो रही ह
में गुस्से में निकल गया मुझे किसी भी तरह फ़िज़ा को चुराना था
अब आगी....
में वह से गुस्से से भरा हुआ
चले जा रहा था
मेरा मार आज गिर गया था आज तक में किसी के पैरो में नहीं गिरा
और गिरा वो बर्दास्त हो रहा था
पर मेरी बहन की जो हालत थी वो बर्दास्त करना मुश्किल हो रहा था
मैंने सोच लिया था इस बाबा का नमो निसान मिटा दूंगा
मेरी नजर के सामने मेरी मासूम बहन का रोटा हुआ चेहरा
मुझे सुकून नहीं लेने दे रहा था
भले में अपनी बहनो को छुड़वाते देख मज़ा ले लेता हु पर जब बहने रोये तो बर्दास्त नहीं होता ह
और फ़िज़ा रो रही थी
मेरी समझ नहीं आ रहा था किया करू ऐसा
कैसे चुराऊँ अपनी बहन को
में कमजोर था उनके सामने
सारा दिन यही कोशिश करता था बिना कुछ खाये पिए
बाबा के बारे में लोंगो से पूछता था
पर बाकई में बाबा साला बहुत बड़ा गुंडा था
पुलिस में गया वह भी उसका कुछ नहीं कर पाया
पुलिस वाले उसकी की तरफ की बोले उल्टा मुझे बातें सुनाये
में समझ पुलिस की बास्की बात नहीं
इनके चक्कर में फ़िज़ा को नुक्सान पहुंचेगा
इक बात तो समझ आ गयी थी पावर और पैसा बहुत बड़ी चीज ह
इससे किसी को भी झुकाया जा सकता ह
इक पल को लग रहा था काशः में भी कोई अमीर आदमी होता
में शाम को परेशा होता हुआ घर आ गया
अम्मी मुझे देखते hi मुझे थप्पड़ मरने लगी
अम्मी... क्यू रिहान किया ज़रूरत थी उनसे लड़ने की
मेरी बाछहि की ज़िन्दगी ख़राब करदी तूने
मेरे सारे रिश्तेदार को पता चल गया था सब घर पे थे
हज़ारो सवाल थे लोंगो के
किसी का जवाब नहीं मेरे पास
चाचू मेरे पास आये मुझे उदास देख क्र उन्हें मुझपे तरस आ गया
मुझे सीने से लगा लिया
और मेरे सब्र का पैमाना झलक गया मेरे आंसू निकल आये
में... चाचू पे मुझे गुस्सा था
मैं कुछ नहीं बोलै
मेरी बहन का किया हाल होगा यही ख्याल
चाचू... चुप होजा रिहान
हमने 2 क्रूर का इंतिज़ाम कर लिया ह
हम उसके पास जेक कुछ टाइम मांगेगे
तू रोना बंद कर
में.. कहा से आये पैसे
मेरे... मां आये बोले
रिहान मुसीबत के वक्त हम काम नहीं आएंगे तो कोण आएगा
चाचू.. कुछः पैसे तेरे मां ने दिए और कुछः घर के जेबर बेच कर
और शॉप बेचना पड़ी बीटा
में... ये घर भी बेच दो फ़िज़ा को चुराना ह मुझे
सना आपि... रट हुए रिहान भाई हम कर लेंगे बाकि पैसे भी तू फ़िज़ा को ला इतने पैसे देकर
और ये घर भी गर्मी डाला ह
चाचू ने अपना हिस्सा पूरा बेच दिया
मां... चल रिहान में भी चलता हम उससे हाथ जोड़करर बिनती करेंगे
इतना हो हम पे रहम करेगा वो
निहाल.. आया बोलै रिहान टेंशन न लो कुछ टाइम रुको कुछ पैसे का में इंतिज़ाम कर दूंगा
मैंने भी सुना बाबा बहुत बड़ा गुंडा ह हमें उसके पैसे देना hi पड़ेंगे
वो माफ़ नहीं करेगा
अम्मी.. अब जल्दी जा तू फ़िज़ा को ला
चाचू.. हम जा रहे ह आयेशा
अम्मी... तुम चुप रहो तुम hi इस फसाद की जड़ हो
मां.. आयेशा बीटा ये किया तरीका बात करने का
चाचू... कोई बात नहीं बेटी का दुःख ह
सच hi तो कहा उसने मेरी बजह से हुआ ह ये सब
चाचू की आँखों से भी आंसू निकल आये
मां... तुम कमज़ोर मत पदों वर्ण इन बच्चू को कोण संभालेगा
मेरे पास खशीश आयी
आपको याद होगा ये करैक्टर ये मुझसे बहुत प्यार करती ह
शायद बहुत जियादा जिसका मुझे अंदाजा नहीं ह
खशीस... रिहान सब ठीक हो जायेगा प्लीज तुम परेशां मत हो अब जल्दी जाओ लेकर आओ फ़िज़ा को
फिर मां और चाचू में निकल गए 2 क्रूर लेकर
हबेली पे पहुंचे तो गॉर्ड ने पहचान लिया और अंदर जाने दिया
हम अंदर गए तो इक लड़की पेड़ पे लटकी थी
मां देख कर काँप गए
बाहर बाबा था हमें लड़की को देखता हुआ पाकर बोलै
बाबा... किया देख रहे हो
बहुत ज़ालिम दुन्या ह एरर इसके बाप ने इसे फांसी पे लटका दिया
मुझे बहुत दर्द हो रहा ह कैसे बाप होते ह कुछ लोग
अपनी बेटी को फांसी पे लटका देते ह
उफ्फ्फ्फ़
बाबा मगरमछ के आंसू पोछता हुआ बोले
में बाबा का मतलब समझ गया इस लड़की के बाप ने शायद बाबा के पैसे नहीं दिए होंगे
तो बाबा ने लड़की को मार दिया
हम खामोश खरे थे
बाबा... किया हुआ तुम लोंगो को
अच्छा तुम इतने ज़ालिम तो नहीं हो
लड़के अपनी बहन को मत मार देना
बहुत मासूम बहन ह तेरी
गद्य ह मासूम पारी जैसी
मुझे बहुत प्यार आ रहा उसपे
कैसे तू उसपे जुल्म कर रहा ह
रफीक एरर तेरी बेटी जैसी ह वो बल्कि बेटी hi समझो
जुल्म मत करो उसपे
सुबह से जाने कितनो को नीचे तुम लोग उसे लिटा चुकु हो
ज़रा भी रहम नहीं आ रहा तुमको कितने गॉर्ड मेरे उसे नोच चुके ह
और अब आ रहे हो तुम
ये सुनते दिल में दर्द सा हुआ
में... बाबा साहेब हम लाये ह आपके पैसे
मैंने 2 क्रूर बाबा के कदमो में रख दिए
बाबा... वह तुम प्यार करते ह अपनी बहन से
कितने हैं
में... ग 2 क्रूर ह हमें कुव्ह्ह टाइम देदो प्लीज सब पैसे दे देंगे आपके
हमसे अपने घर जेबर सब बेच दिए इतने hi हुए
बाबा... उफ्फ्फ बहुत तकलीफ हो रही ह मुझे जब में किसी की ऐसी हालत देखता हु मुझे बहुत दुःख होता ह
सच में यकीन मनो
में जल्लाद थोड़ी हु
कितने मासूम हो तुम लोग घर बेझ दिए घर के सब जेजेर बेच दिए फिर 2 क्रूर इखट्टे हुए
बहुत पैसे ह ये
अब तुम पूरे भिकारी बन गए हो
इतने अच्छे थे तो 2 क्रूर इखट्टे क्र पाए .
अब 5 क्रूर और कैसे इखट्टे करोगे
बहुत दुःख हो रहा ह मुझे
मां... बाबा साहेब 5 में शमझा नहीं
बाबा... अरे एरर मूल से जियादा मुझे बियाज़ प्यारा ह
रफीक तुमने बताया नहीं इनको
में.. चाचू ये
मेरा दिल सीने से निकला जा रहा था
चाचू नीची गर्दन किये खरे थे
में.. बाबा साहेब प्लीज हम पे रहम करो हम मूल नहीं दे प् रहे बियाज़ कैसे देंगे
बाबा... वही तो में पूछ रहा हु कैसे डोज 5 क्रूर और
कैसे कमाओगे चोरी करोगे इतनी बड़ी चोरी कैसे करोगे
बताओ
में समझ गया ये नहीं मानने वाला ह
में... ग में करूँगा कैसे भी आपके पैसे दूंगा
प्लीज बहन को चोरडे
बाबा.. उफ्फ्फ ये दिल न सकूं क्यू नहीं ह इसमें एरर
बताओ
में.... ग में
बाबा... है याररर में दुन्या की मुश्किलें देखता हु तो बहुत बेचैन हो जाता हु
इसी लिए में लोंगो को ज़िन्दगी में आगे बढ़ने के लिए पैसे देता हु
के लोग आगे बड़े इस बेरहम दुन्या में अपना नाम हासिल करे
इस ज़ालिम दुन्या को अपने कदमो में लाये
में चाहता था तेरे चाचू इक बड़े मकाम पे हो
उनका बारे रुतवा हो उनके बच्चे ऐस ऐस की ज़िन्दगी गुज़रें
अफ़सोस तुम्हारे चाचू की किस्मत ने साथ नहीं दिया
कैसे मुझे ये बताओ कैसे डोज मेरे पैसे
में... बाबा साहेब ये तो नहीं जनता में पर कैसे भी करके में दूंगा आपके पैसे
बाबा... नहीं एरर बहुत मुश्किल पैसे कामना
रफीक इक मश्वरा दूँ
अछ्हा है तुम जल्दी पैसे कमा सकते हो
चाचू... ग बाबा साहेब बताएं
बाबा... तुम्हारी फॅमिली बहुत लड़किया ह तुम्हारी बीबी इसकी अम्मी ह जो काफी हॉट और सेक्सी ह
क्यू न तुम सबसे धंधा करवाओ
और में तुम्हारी हेल्प करूँगा सच में
में अमीर गिराहक भेजूंगा तुम्हारे घर में
तुम घर में 4 मर्द हो सब दिन में गिराहक लाया करो ढून्ढ ढून्ढ
और कुछ हेल्प तुम्हारे मां कर देंगे
ये भी कुछ गिराहक भेज दिया करेंगे
सब से धंधा करवाओ जल्दी पैसे इखट्टे होंगे
और बदनाम तो होना पड़ेगा
वर्ण पैसा नहीं आएगा
मेरे मां पास थे में चाहता था इस बाबा को यही मार्डू
पर मज़बूर था
मां... ग बाबा साहेब ऐसा नहीं कर सकते हम हमारी भी कुछ इज़्ज़त ह दुन्या में
बाबा.. अबे गांडू तो बता कैसे देगा मेरे पैसे
बताओ पहले फिर कुछ सोचूंगा
निकलो अब यहाँ से
निकला इन तीनो को यहाँ से और पैसे ये डरा को देकर आओ
बाबा के गॉर्ड हमें हबेली से निकाल दिए
में अब टूट रहा था चाचू पे गुस्सा करके भी कुछ हासिल नहीं था
इक डीएम में बे तहाषा चीख पड़ा
खूब खोलने को हो गया
बाबा ने कहा मेरे बहन पे सुबह से जाने कितने दरिंदे चार चुके ह
दिल फटा जाये यद् कर कर के
मां... रिहं संत होजा बीटा कुछ सोच लेंगे हम
में... चीखता हुआ किया सोचोगे मामू
5 क्रूर ह इतने पैसे कहा से लॉन
चाचू रट हुए बैठ गए वो टॉट गए थे
इक नजर चाचू को देखा
में... अब रोने से किया हासिल करोगे वो हमें छोड़ेगा नहीं
में वह से चाचू और मां को चोर कर निकल गया
मुझे घर जाने नहीं था बहुत लोग थे घर में उनका सामना करना और मुश्किल था
और रिस्तेदार सुई की तरह चुप रहे थे सब
मेरे दिल बाबा की हबेली उठाने के ख्याल आने लगे
इक बम का इंतिज़ाम करके उठा देता हु
फिर मेरी बहन वह थी और जाने कितनी मासूम लड़किया उसके कैद में थी
सब मरती
बहुत रात हो गयी ऐसे hi फिरते फिरते कुछ समझ न आये
साहिल मेरे पास आया उसे भी सारा मामला पता चला
अनिल आदिल मेरे और दोस्तों को सारा मामला पता चल गया
मेरे पास आये सबके सहारे थे
पर पैसे इतना जियादा थे जो इखट्टे करना हम जैसे लोंगो के लिए नामुमकिन थे
साहिल... रिहान इक प्लान ह ज़हन में इतने पैसे तो हम इखट्टे क्र नहीं पाएंगे
पर अगर उसी तरह सोचे तो कुछ हो जाये
हम भी उसके किसी लड़के को गीतनापे करते ह
फिर उससे पैसे मांगेगे
आदिल... मरना ह किया भोस्डिके बाबा ह वो गांड फटती ह अच्छे लोंगो की उससे
ये नहीं हो पायेगा
में... ऐसा hi करूँगा में
अनिल... रिहं ये बहुत ख़तरनाक होगा मंहगा पद जायेगा हमको ये
में.. और कुछ चारा नजर नहीं आ रहा
चोरी भी इतने पैसो की नामुमकिन ह जैम जैसे लोगों के लिए
साहिल... भाई रिस्क तो उठाना पड़ेगा आखिर बहन का सवाल ह
अनिल.. सेल रिहान की बहन मेरी भी बहन ह
पर मेरी फॅमिली भी ह
में... में समझ रहा हु मुझे तुम किसी का साथ नहीं चाहिए
में नहीं चाहता तुम लोग भी मुसीबत में पद जाओ
बीएस मुझे इतनी हेल्प चाहिए उसका लड़का कब वेजर निकले गए ये पता चल जाये
और मेरे पास इक गन तो ह बीएस गोलियों का और इनतीज़ज़ाम करना ह
आदिल.. रिहान अगर प्लान फ़ैल हो गया तो बाबा बहुत बुरा करेगा तेरे साथ मार सकता ह वो तेरी बहन को और शायद तेरी फॅमिली को भी इसकी बड़ी कीमत झुकानी पड़ेगी
में... तो किया करू तू बता
मेरी जान से प्यारी बहन पे उन्होंने ज़ुल्म किया ह
कीमत झुकना पड़ेगी उन्हें
ज़िन्दगी जहन्नम बना दूंगा उस बाबा की तो
फिलहाल किसी तरह फ़िज़ा को चुरा लूँ अभी
आदिल.. य्र्र मेरी कुछ समझ नहीं आ रहा ह
तू जो भी करना बहुत संभाल के करना
अपनी पहचान मत लगने देना बीएस
साहिल.. अब तू घर जा एरर सबको तेरी ज़रूरत होगी
बाकि का हम देखते ह
तुझे बता देंगे
में फिर घेर गया सब उदास बैठे थे किसी ने कुछ नहीं खाया था
रिस्तेदार जो आये थे चले गए देख क्र मां और बुआ की फॅमिली थी बस
मैंने उनको भी कहा तुम लोग परेशां मत हो
आप लोग जाओ कुछ कर hi लेंगे हम
बुआ... बीटा ऐसी मुसीबत में तुम्हे अकेला कैसे चोरे
हम से जितना हुआ ह्मणे किया बीटा
में... ग बुआ में अहसान मंद हु आपका
यहाँ सोने की जगह भी नहीं ह आप भी सब परेशां होते होंगे
मां... बीटा परेशां किया होना
मेरे ज़िद करने पे सब चले गए
में आपि के पास गया
में... आपि में चुरा लूंगा फ़िज़ा को
तुम्हे मुझपे भरोषा ह न
आपि.. रट. हुए) और किसपे ब्रश होगा हमें बता
तू नहीं कुव्ह्ह करेगा तो कोण करेगा
में... Ok अछ्हा तुम अम्मी को खाना खिलाओ में खाना लेकर आया हु ये लो सब ने कुछ नहीं खाया
आपि... भाई मुझे भूँक नहीं ह
में.. आपि अम्मी का हाल देखो प्लीज खाना खिलाओ सब को
मैंने ज़बरदस्ती सब को थोड़ा थोड़ा खाना खिला दिया
पर चाचू ने नहीं खाया
वो फुट फुट कर रोने लगे
मुझे भी चाचू पे तरस आ गया
में.. चाचू रो रो क्र किया साबित कर रहे हो खाना खालो
चाचू... रिहान मेरा खुदा गबाह ह मैंने कभी कुढ़ के लिए नहीं सोचा
तुम्हारी ज़िन्दगी आसान करने के लिए मैंने क़र्ज़ लिया
तुझसे में बहुत प्यार करता हु
तू कुछ काम नहीं करता था
मुझे फ़िक्र होती थी तेरी तेरे लिए hi मैंने किया सब
टेक तो अच्छी ज़िन्दगी जी सके
अम्मी.. पहले ज़िन्दगी बर्बाद करदी अब प्यार जाता रहे ह
चची... आयेशा सच है रफीक रिहान से बहुत प्यार करते ह
इतना प्यार समीर से नहीं किया इन्होने
अम्मी.. हाँ नाजाइज़ औलाद जो है इनकी
चची... आयेशा बच्चे ह
अम्मी... हाँ इनको भी पता चलना चाहिए न
इनकी न जाइज़ औलादें ह ये
इनके बाब तो नाम के बाप थे
आयेजा के साथ किया किया ह इन्होने सब को पता तो चलना चाहिए न
अमीर बनना ह
मेरी बच्ची को मेरे होते हुए अनाथ बना दिया इन्होने
कभी अपनी पहली बेटी को अपने कलेचे से नहीं लगा पायी
मेरे सामने ह मेरी बच्ची और उसे पता नहीं कोण उसकी असली माँ ह
चची... अच्छा तो ये भी बताओ इनको आयेशा पहली बीबी हो तुम इनकी न जाइज़ कहा से हुआ ये सब
जवान होने से पहले hi इनसे शादी की तुमने
प्यार तो तुम दोनों hi करते थे इक दुसरे से
में तो दूसरी बीबी हु न फिर भी तुमसे कुछ शिकायत नहीं की
तुम्हारा हर बात में साथ दिया
तुम्हारे बच्चो को अपना बनाया कभी फर्क नहीं किया मैंने
और न hi इन्होने
समीर... अम्मी किया बोल रही हो
छाछी... हाँ बीटा आज इनको नफरत ह रफीक से
इनकी ये समझ नहीं आ रहा जो भी कुछ किया इन सबके लिए hi किया रफीक ने
इनकी आज तक जितनी ज़रूरतें पूरी करते हुए आये
और आयेजा की बात क्र रही ह तुम्हारी hi खातिर अनाथ आश्रम से निकाल के लाये थे
तुम्हारी hi खातिर मैंने जनमे को अपनी बेटी बताया आयेजा को
और सोनी को भी
तुम पहली बीबी हो इक ऐसे कोई बीबी नहीं करती है
जितना प्यार तुम्हे दिया इन्होने आज तक मुझे नहीं दे पाए
तुम पहला प्यार हो इनका
फिर आज ये बातें
समीर.. अम्मी में किसका बीटा हु
चाची.. तू मेरा hi बीटा ह
में... तुम तुम चुप रहो एरर
ये कोण सा टाइम ह
मेरी बहनो की आँखों में हज़ार हवाल थे
पर ये दुःख के माहौल में कोई कुछ पूछ न पाए
और शायद अम्मी और चची ने भी हमें सारे राज़ बताने का सोच लिया था
अप्पी.. छाछी चुप रहो हम फ़िज़ा का गम मनाये या तुम्हारे ये राज सुनके शौक हों
किया करे हम
ये टाइम ह ऐसी बातों का
प्लीज अभी तुम चुप रहो
हमारी ये समझ आ गया चाचू hi हम सब के बाप ह
अब कुछ नहीं छिपा खामोश रहो तुम
अम्मी.. रिहान फ़िज़ा को देखा तूने कैसी ह वो ठीक तो न वो
में.. अम्मी
अम्मी.. किया हुआ ठीक नहीं मेरी बच्ची
में... अम्मी में चुरा लूंगा उसे तुम मुझपे भरोषा करो
समीर... है हम चुरा लेंगे रिहान मेरे पास इक प्लान ह
में.. एरर मैंने कुछ सोचा ह तू बीएस मेरे साथ देना
चाचू... रिहान अब कुछ उल्टा सीधा मत कर देना
तूने देखा न उसने कैसे इक लड़की को फांसी देकर पेड़ पे लटका दिया था
रिहान बीटा फ़िज़ा की जान जा सकती ह इक गलती से
में.... मुझे अपनी बहन की फ़िक्र ह
तुम बस घर में बैठ रट रहो अपने किये पर
फिर आयेजा आपि अम्मी के पास आयी और अम्मी से चपिक के रोने लगी
में समझ सकता था उन्हें कैसा लगता होगा
वो जिनको अपनी असली माँ संहहति रही वो थी hi नहीं असली माँ उनकी
अम्मी... चुप होजा मेरी बच्ची
इतने सोनी भी अम्मी से आके चिपक के रोने लगी
हलीमा ये देख बोली
हलीमा.. अम्मी में किस की असली बेटी हु
चची.... तू मेरी hi ह और हुमैरा और साजिब भी
में... अम्मी अब चुप हो जाओ
फ़िज़ा को में चुरा लूंगा
प्लीज चुप हो जाओ
समीर... हाँ बड़ी अम्मी हम चुरा लेंगे अपनी बहन को
फिर सना आपि ने सब को संभाला और रात योंही गमो में गुज़र गयी