Finally with Poonam 1 - SexBaba
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Finally with Poonam 1

hotaks444

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Nov 15, 2016
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Hello Friends,<br/><br/>Hope you all are Safe and sound.<br/><br/>Well this lockdown proved to be the most sexually exciting and adventurous, I am still alone with Poonam and Kajal and they both love having sex. There's a lot to tell, cutting it short.<br/><br/>After 15 days of quarantine<br/><br/>There was nothing to do as most of the workers had to be sent home, I had not had sex since the last 20-25 days apart from once over the phone with Raani.<br/><br/>After 25 days of quarantine<br/><br/>काजल मेरे कमरे में आई, और झुक के झाड़ू निकालने लगी, उसके मोटे मुम्मे झूल झूल के मेरा लण्ड खड़ा कर रहे थे, चूत मारे हुए भी 20-25 दिन हो गए थे, मैंने शॉर्ट्स के नीचे अंडरवियर भी नहीं पहना था और मेरा खड़ा होता हुआ साफ़ दिख रहा था, मैं उठ के खड़ा हो गया और उसकी नज़र मेरे लण्ड पे पड़ी " समझ सकती हूँ आपकी हालत, यहाँ भी कुछ ऐसा ही हाल है " मैंने उसे पीछे से पकड़ लिया उसकी कमीज में हाथ डाल के उसके मुम्मो को सहलाया, मैंने उसकी कमीज ऊपर कर दी और ब्रा के ऊपर से ही उसके मुम्मो को दबाने लगा " क्या इरादे है बाबू? "मैंने धीरे से उसके सलवार में हाथ डाला और उसकी घनी झाटों में ऊँगली फेरी; मेरा खड़ा लण्ड उसकी गांड में घुस रहा था, उसने हाथ घुमा के मेरे शॉर्ट्स में हाथ डाल, लण्ड बाहर निकाल लिया और टोपे पे हाथ फेरने लगी " हऐ, कितना सख्त हो रहा है! " . वो गरम थी और अपनी सलवार खोलने लगी " बाबू बहुत दिन हो गए, अब रहा नहीं जाता " , ये एक बहुत अच्छी बात थी उसकी, मेरा लण्ड को देखती ही, उसकी चूत बहने लगती है. मेरा मन अभी खेलने का था, मैंने उसकी कमीज उठाई " चल उतार इसे बहुत दिनों से तेरे मुम्मो से नहीं खेला मैं " , वो मना करने लगी " नहीं बाबू ये सब रात को करना " पर मैंने कमीज उतार ही दी, कमीज उतारते ही मेरी नज़र उसकी छाती पे बने निशानों पे गई " ये सब क्या है? बता किसने बनाये है ये? किसी और के साथ भी कर रही है? " . मैं पीछे हो गया, वो खड़ी हो गई " नहीं बाबू, और कौन है यहाँ इतने दिनों से, ये सब " वो चुप हो गई, मैंने उसे फिर धमकाया " नहीं बताएगी तो कपडे पहन और जा यहाँ से " वो बोल पड़ी " ये पूनम ने बनाए है, परसों रात को " . ये सुन मुझे अजीब से उत्तेजना हुई " क्या मतलब तुम दोनों ने एक दूसरे के साथ? " , उसने सिर हिलाया " हम दोनों आपकी बातें कर रहे थे. और ये सब हो गया " . मेरा लण्ड फिर से खड़ा हो रहा था, मैं उसके पास गया और उसकी ब्रा खोल दी " फिर झड़े तुम दोनों? " वो शर्मा गई " क्या बाबू आप भी! आपको मज़ा लग रहा है? " मैंने उसके मोटे मुम्मो को पकड़ा, और उसका हाथ अपने लण्ड पे रख दिया "चाटी एक दूसरी की? " उसने चेहरा छुपा लिया " नहीं बस ऊँगली से किया " , मेरे लण्ड का तंत उसे महसूस हुआ " क्या हुआ आपका तंत क्यों मार रहा है? " . मैंने उसे खड़ा किया " जा पूनम को भेज और तू जल्दी से नहा के आ. " वो खड़ी हुई और ब्रा उठाई " क्या करने वाले हो? " मैंने हाथ से ब्रा लेली और बिस्तर पे रख दी " इसे यहीं छोड़ जा " . उसने चुप चाप कमीज डाली और चली गई. पूनम ने दरवाज़े पे आवाज़ दी " बाबू आपने बुलाया? " अन्दर आते ही उसकी नज़र काजल के ब्रा पर पड़ी, मैं उसके पास गया " काजल की छाती पे वो निशान कैसे हैं? " मैंने उसका हाथ पकड़ा " मुझे भी चाइये "<br/><br/>वो कांप रही थी " बाबू अब रहा नहीं जाता, उस दिन आपकी बातें हो रही थी पता नहीं कब कब में हम ये कर बैठे " . मैंने उसके चेहरे को छूआ " कोई बात नहीं, फिर कब बनेगी ऐसे निशान मेरे सीने पे? " उसकी आँखे नाम सी हुई, और वो मुस्कुरा के बोली " काजल का हो गया? " , मैं आगे बड़ा और उसके होंटो को चूमा " वो नहाने गई है, जाओ तुम भी नहा के आओ". थोड़ी देर में काजल आई " क्या हुआ मान गई? " , अब वो पूरी तयारी से आई थी, मैंने उसका गाउन उठाया " मानती कैसे नहीं, वो भी तो भूखी है! " मैंने उसका गाउन उतार दिया, अंदर से वो पूरी नंगी थी, मैंने उसके मुम्मो को पकड़ लिया और झुक के उसके निप्पल चूसने लगा, उसके बदन से खुशबू आ रही थी, मैंने भी अपना तौलिया गिरा दिया, उसने झट मेरा लटकता हुआ लण्ड पकड़ा " बाबू अब तो दुगनी मेहनत करनी पड़ेगी " वो बिना कुछ कहे बैठ गई और सुपाडे को मुँह में ले लिया, मैंने गहरी सांस भरी " ओह्ह्ह काजल अह्ह्ह! चूस चूस के रस निकाल दे इसका, बहुत दिनों से रोक रखा है मैंने " . वो मज़े से चूस रही थी, और मेरा लण्ड भी खड़ा हो गया था, उसने छोड़ दिया " बाबू ये मोटा हो जाता है न, फिर मेरे गालों में दर्द होने लगता है, मैं बिस्तर पे बैठ गया " इन दोनों ने क्या किया है इन्हे भी चूस दे थोड़ी देर! " वो एक एक करके मेरे टट्टों को चूसने लगी, और वो भी गरम होने लगे, बहुत अच्छा लग रहा था, इतने में पूनम कमरे में आ गई, वो भी गाउन पहने हुई थी, अब वो सारी शर्म छोड़ चुकी थी वो मुस्कुराई और मेरे पास आई, मैं झुका और उसका गाउन उठा दिया " अब इसकी ज़रुरत नहीं है, उतार दो इसे " . उसने भी उतार दी और उसके गदराया हुआ बदन देख मेरा मन बस उसे छोड़ने का करने लगा, मैंने उसे अपनी ओर खींचा और उसके मुम्मो को सहलाया, उसे बिस्तर पे लेटा दिया और उसके मुम्मो को चूसने लगा, जल्दी उसके काले निप्पल खड़े हो गए और वो जोर ज़ोर से आहे भरने लगी, उसके काली घनी झांटे अभी भी नाम थी, मैं उसके पैरों के बीच आ गया, और मेरा सुपाड़ा उसकी चूत से जा सटा, सुपाड़ा मोटा था और चूत गीली, उसने पैर खोल दिए " बाबू धीरे अह्ह्ह्हह " मैंने ज़ोर लगाया और लण्ड उसकी चूत में घुस गया, उसने मेरी पीठ में नाखून गाड़ दिए और ज़ोर से चिल्लाई " अरे मोरी मैय्या, आई, जल्दी ना करो अह्ह्ह " , मैं रुक गया और धीरे उसे चोदने लगा, और जायदा देर नहीं लगी, कुछ ही पलों में वो तड़प रही थी, और मैं बेकाबू हो रहा था, लण्ड अंदर तक लग रहा था, वो चिल्ला के झड़ने लगी, और मुझे नोचने लगी, उसकी चूत की कसावट से मैंने भी माल उसी के अन्दर झाड़ दिया, जब हम शांत हुए, काजल हसने लगी " क्यों हो गया था दोनों को, पूरा कमरा हिला के रख दिया " मैंने बाहर निकाला और ढेर सारा माल, उसकी चूत से बह के बिस्तर पे गिरने लगा, पूनम बिस्तर पे पड़ी गहरी साँसे भर रही थी, उसका बदन अभी भी कांप रहा था, " मैं झड़ गया था पर अभी पूर्ती नहीं हुई थी.<br/><br/>Part two soon, the thing is I have to Fuck either one, when I finish a story.
 
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