तगड़ा चिरंजीवी और मिनाक्षी की प्यासी जवानी
मैं तनहा अकेली रहूंगी कैसे
यह दर्दे चुदाई सहुंगी मैं कैसे
मैं तनहा अकेली रहूंगी कैसे
यह दर्दे चुदाई सहुंगी मैं कैसे
चुचियों को थाम ले, होंठों से जाम ले
प्यासी जवानी है, थोड़ी दिवानी है
बाहों में ले ले इसे, ऐसे ही पेलो मुझे
ऐसे ही पेलो मुझे , ऐसे ही पेलो मुझे