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सुबह मेरी नींद सुबह 8 बजे सुमन से उठाने से खुली
में-: है उठ रहा हु तू जा में अभी आया
सुमन-: में चली जाउंगी तो जादू की झप्पी कोण देगा
में-: हम्म्म
में उठ गया और सुमन को गले लगा लिया कुछ देर गले लगा के रखा फिर वो शर्मा के चली गयी
में-: इसको क्या हुआ अब
में वह से बहार बाथरूम में जाने लगा तभी मेरी निगाह कांच में मेरे ऊपर गयी मेरा लुंड खड़ा था और लोअर में तम्बू बना हुआ था
में अपने खड़े लुंड को देख कर चौक गया इसलिए समन शर्मा के गयी ह
मगर उसको देख कर तो मेरा लुंड खड़ा नहीं होता ह ये तो पहले से hi ह
फिर मेने थोड़ी देर लुंड के बैठने का इंतजार किया और फिर बहार जेक हाथ मुँह धोके रूम में आ गया और कपडे पहन कर निचे चला गया
निचे जेक देखा तो सब मण्डली बैठे थी मेरी सब्जी बहने मेने सबको गम कहा और उनके पास बेथ गया
मेरे आती hi मेरी प्यारी बहन सुमन उठ कर रसोई में चली गयी
कुछ देर बाद वो चाय लेके आयी और मुझे दे दी
me-
kitna ख्याल रखती ह मेरा ये मेरी छोटी छोटी जरुरत का अच्छे से पूरी करती ह मेरी प्यारी बहन सुमन)
में चाय पि कर बहार निकल गया थोड़ा गांव ने घूमने के लिए आज रनिंग नहीं हुई थी इसलिए
इधर मोहिनी रत को 3 बजे तक दमदार चुदाई से थक हर कर सो गयी सुबह 5.30 बजे उसके पति ने दरवाजा बजाय
मोहिनी हड़बड़ा के उठ गयी उसकी नींद पूरी नहीं हुई थी वो और सोना चाहती थी पर नहीं सो पायी क्योकि घर में मेहमान ह
उसने धीरे से उठ कर थोड़ा लंगड़ाते हुवे चलते हुवे गेट खोल दिया
सामने राहुल खड़ा था जो अभी अपनी बुआ को लेके आया था सहर से
राहुल अंदर आ गया मोहिनी ने राहुल को देख कर रत वाली चुदाई यद् आ गयी
वो लंगड़ाते हुवे राहुल के पास बीएड पर बेथ गयी
.राहुल-: क्या हुआ मोहिनी ाशे क्यों चल रही ह
mohini-
pahle तो खुद ने मुझे दर्द दिया और मजे भी ले रहे हो )कुछ नहीं आज पैर में थोड़ा दर्द हो रहा ह
राहुल-: ठीक ह गोली लेलो पैन किल्लर
मोहिनी-
2 गोली की रत को तब जेक आपके सामने कड़ी हु वार्ना आपने तो मुझे मर hi डाला था रत को )रे को लेली इतना बोल कर मोहिनी शर्मा गयी
राहुल-: सॉरी मोहिनी आज रत को में आ नहीं सका छत पर
मोहिनी ये सुन कर उसके कण खड़े हो गए वो अशी हो गयी जैसे उसके काटो तो खून नहीं फिर भी हिम्मत की
mohini-
majak कर रहे होंगे ये थोड़े मज़ाकि ह तो) कहा गए थे फिर आप रत को
राहुल-: में तो छत पर आने hi वाला था की पापा आ गए और मुझे दोनों बुआ को लेने सहर भेज दिया अभी जस्ट आ hi रहा हु
ये सुनकर मोहिनी को पक्का विश्वास हो गया की आज रत को ये नहीं थे ऊपर
इतने बहार से किसी ने राहुल को आवाज दी तो राहुल उठ कर बाथरूम में फ्रेश होने चला गया
मोहिनी-: (क्या ये तो पक्का हो गया ये नहीं थे ऊपर फिर कोण था ऊपर जिसने मुझे इतनी बुरी तरह से छोड़ा तभी में सोचु ये आशा को कभी नहीं करते उसने तो कल बहुत कुछ किया ह मुझे इतना मजा दिया ह की में कुछ कह नहीं सकती कोण था वो मुझे पता करना लड़ेगा और ये बात मुझे इनसे चुप्पा कर रखनी पड़ेगी पर वो था कोण क्या उसे पता था की वो मुझे छोड़ रहा ह ये वो भी अनजान बन कर कर रहा था मुझे ये पता करना होगा कोण ह वो कही वो मेरा गलत फायदा तो नहीं उठाएगा में कही मुँह दिखने के काबिल नहीं रहूंगी मुझे पता करना होगा कोण था जिसने मुझसे इतना कुछ करवा लिया ये बात किसी को पता न चले वार्ना में कही की नहीं रहूंगी ये सब लोग मुझे यह से निकल देंगे )
इन्ही खयालो में खोयी हुई मोहिनी को पता hi नहीं चला कब राहुल आ गया और उसे आवाज लगायी उसने सुना नहीं
राहुल-: मोहिनी क्या हुआ तुम्हे
मोहिनी-: कुछ नहीं
राहुल-: मेरे कपडे दो जल्दी
फिर मोहिनी ने राहुल के कपडे दे दिए राहुल कपडे पहन कर बहार चला गया
दिहार मोहिनी भी अब बाथरूम में घुस गयी और अपने कपडे निकल कर अपनी छूट को देखने लगी
मोहिनी-: ये तो अभी तक सूजी हुई ह बाप रे कितना तगड़ा लुंड था उसका कोण ह रे तू
फिर मोहिनी ने कुछ सोच कर अपने चेहरे पैर स्माइल लायी और नाहा कर बहार आ गयी उसको हल्का हल्का दर्द अभी भी था उसने आधी पैन किल्लर और ली और चल दी रसोई में मेहमानो के लिए चाय बनाने
इधर में गांव में घूम कर जल्दी hi घर आ गया घर आके में ऊपर अपने रूम में चला गया
वह जेक मेने अपने कपडे देखे तो वह मेरे सरे कपडे रखे थे मतलब सुमन ने मेरे कपडे यही रख कर चली गयी
मुझे अब सुमन से और प्यार बढ़ता hi जा रहा था
मेने अपने कपड़े लिए और नहाने चला गया नाहा कर मेने बाथरूम में hi कपडे पहन लिए क्र रूम में आ गया रूम में आके मेने में अच्छे से तैयार होक निचे आ गया
में निचे आया तो मेरी नजर मोहिनी भाभी पर गयी
में-: ये तो वही ह जिसने कल मुझे बिस्तर निकलवाए थे पर ये कोण ह पर ये कल तो ठीक थी आज लँगड़ाके क्यों चला रही ह
तभी वह से निया आती हुई दिखी
में-: निया ये औरत कोण ह
निया-: भैया से मेरी मौसी का लड़का ह न राहुल भइया उसकी पत्नी मोहिनी भाभी ह
में-: ओह्ह्ह्हह तभी बोलो ये इतना काम कई कर रही ह
निया-: अरे इनके घर ने सदी ह तो काम करेगी न
में-: है वैसे आज ये लँगड़ाके क्यों चल रही ह
निया-: वो भाभी रत को सीढ़ियों से गिर गयी उनके पैर में मोच आ गयी ह
में-: ठीक ह निया
मेरी निगाह अब चची पर गयी पर मुझे चची कही दिखी नहीं
me-
rat को कुछ ज्यादा तो नहीं हो गया देखना पड़ेगा खा ह चची)
में उन्हें ढूंढने लगा तभी मुझे चची सामने से आती हुई दिखी
मेने उन्हें स्माइल की उन्होंने भी मुझे स्माइल की
में-: धीर्रे से वाहहह मेरी नीता रत की चुदाई से इतनी चहक गयी ीरर्र इतनी हसीं दिखोगी तो में तो मर hi जाऊंगा न
चची-: (रत को चुदाई की में तो तात को गयी नहीं फिर इसने किसके साथ किया पता करना ladega)ha बीटा अब इस तरह से करेगा तो में तो खुस hi रहूंगी न मेरी पति जान
में-: वैसे चची मजा आया रत को आज फिर आ जाना वही 12 बजे
नीता चैबी-: है आ जाउंगी बीटा
इतने में विभु को निशा भुलाने आ गयी तो विभु उसके साथ चला गे
नीता chachi-
isne रत को मेरा भरोसे किसी और को छोड़ दिया अच्छा हुआ मेरे बेटे को एक नयी छूट मिल गयी पर किसकी
है यद् आया विभु ंद उसे छोड़ा होगा तो उसकी तो चल hi बदल गयी होगी अब मुझे पता करना ह कोण हे वो जो लंगड़ी घोड़ी जो विभु से रत में चुद मर आयी क्र कुछ बोलै तक नहीं )
वह से नीता चची भावना आंटी के पास चली गयी
और निशा दी मुझे लेके अपने रूम में आ गयी वह कोई नहीं था निशा दी
निशा-: है दो आपको अपनी गफ की यद् नहीं आयी
में-: बहुत आयी पर क्या करू यह बहुत सरे मेहमान जो ह
निशा -:अभी तो कोई नहीं ह न
और निशा दी ने अपने होठ मेरे होठो से मिला दिए
मेभी निशा दी जैसे हॉट मॉल को किश करने लगा
हम ये भूल गए की हम कहा ह हमें कोई दरवाजे से किश मरते हुवे देखने लगा
वो ये देख मर दर गयी की एक भाई बहन ी
होतो पर किश कैसे कर सकते ह
वो और कोई नहीं निशा के मां की बड़ी लड़की सोनम थी
अब हम दोनों किश तोड़ कर जोर जोर से सांसे लेने लगे उधर सोनम धीरे से बहार निकल गयी इतना कामुक सीन देखने से सोनम की कुंवारी छूट ने हल्का से आंसू निकल दिए
सोनम-: (क्या में देख रही हु ये सुच ह निशा विभु को किश कर रही थी मतलब इन दोनों के बिच कुछ चल रहा बम्ह पर ये तो उसका भाई ह फिर कैसे मुझे पता करना होगा )
और उसने धीरे से अपनी छूट को कपड़ो के ऊपर से खुजा लिया हाहाहाःहाहा मा
और वो वह से निकल कर बाकि बहनो से पास चली गयी
कुछ देर बाद निशा आयी क्र सोनम के पास बेथ गयी
सोनम ने निशा डी को अपने साथ चलने का बोलै और उसे एक रूम में ले आयी
सोनम-: निशा ये सब क्या ह
निशा-: क्या हुआ मेने क्या किया
सोनम-: तूने क्या किया ये बोल तूने क्या नहीं किया
निशा-: सोनम तू साफ साफ बता मुझे क्या बात ह
सोनम-: तू अभी कुछ देर पहले तेरे रूम में विभु को किश कर रही थी
ये सुनकर निशा दर जाती ह फिर खुद को संभाली टी
निशा-: तो क्या हुआ वो मेरा भाई ह में कुछ भी कर सकती हु उसके साथ
सोनम-: पर मेरी बहन ये गलत ह भाई बहन के बिच आशा नहीं होता
निशा-: तो क्या होता ह
सोनम-: ओनली एक लिमिट तक hi उनका रिस्ता रहता ह
निशा--
आँखों में ासु आ gye)me क्या करती मुझे कब इससे प्यार हो गया पता भी नहीं चला
सोनम-: व्हाटट प्यारर अपने भाई से
निशा-: हम्म्म
सोनम-: तू सुच में पागल हो गयी ह
निशा-: है में विभु के प्यार में पागल हो गयी मेरी जगह तू होती तो तुजे भी उससे प्यार हो जाता
सोनम-: आशा क्या हुआ मुझे बता
निशा-: सुन्न
फिर निशा ने सोनम को वो साडी बाटे बता दी जो रणजीत से लेके थप्पड़ तक और बीमारी से लेके विभु को प्रपोज़ तक हुई सब
ये सुनकर सोनम की आँखे छोड़ी हो गयी उसकी आँखों से भी आंसू आ गए
समान-: सुच निशा विभु ने तेरी इज्जत बचायी और बदले में तुमने उसे छठा रखा था जबकि गलती तेरी थी
फिर भी उसने कुछ नहीं बोलै सुच में विभु महँ ह
अब मुझे लगने लगा तूने सही किया ह
निशा-: सुच तू किसी को बताएगी तो नहीं न
सोनम-: नहीं मेरी रानी वैसे जीजू ने क्या क्या किया ह आपके साथ
निशा-: क्या जीजू लगा के रखा ह चुप विभु ह वो मेरा प्यार
सोनम-: एक बात बता अगर तुजे उससे प्यार हुआ तो क्या सदी
निशा-: नहीं रे सोनम सदी नहीं बस प्यार आशा प्यार जो कभी काम न हो में सदी किसी और से कर लुंगी समाज के लिए पर मेरा तन मन विभु का ह
सोनम-: है में भी यही सोच रही थी तू सदी कर लेना जिससे लोगो को गलत न लगे
और है ये सं करने से पहले दरवाजा बंद कर दिया कर कोई और लेता तो लफड़ा हो जाता मेरी जान
निशा-: है आगे से दीना रखूंगी
फिर दोनों ाशे hi बाटे करने लगे
सोनम की नजर में भी विभु हीरो बन गया था
इधर मोहिनी भाभी रसोई में कड़ी कुछ काम कर रही थी
आज मोहिनी कुछ ज्यादा hi खुस थी
उसे दर भी था की रत को कोण था जिसने उसे इतने अच्छे से छोड़ा पर दिल इतनी भयानक चुदाई से गदगद हो गया था
हो भी क्यों न इतनी सुडोल बदन की औरत को कल रत पहली बार संतुष्ट हुई ह
उसके चेहरे की खुसी देखने लायक थी
इधर मोहिनी को पता भी नहीं नीता चची रसोई के दरवाजे सेब उसकी खुसी और चल से समझ गयी तह ी की आज रत विभु से छोड़ने वाली उसकी बहन की बहु मोहिनी hi ह
.chachi-
to मोहिनी की छूट की प्यास भुलाई ह मेरे विभु ने देखो कितनी खुस काग रही ह लगता ह ये भी बहुत प्यासी थी अच्छा रहा मेरी वजह से इसकी प्यास भी भुज गयी चलो इसके मजे लेती हु)
चची-: बहु क्या कर रही हो
मोहिनी अपने खयालो से बाहर आयी
मोहिनी-: कुछ नहीं मौसी बस थोड़ा काम कर रही हु
चची-: है क्यों नहीं वैसे आज तेरी चल को क्या हुआ
मोहिनी-: मौसी वो में रत को फिसल गयी थी
chachi-
muje लता ह तू कहा फिसल गयी thi)dekh कर चला कर बहु वैसे राहुल ने आज रत को कुछ जयदा hi जो तो नहीं लगा दिया जिससे तेरी चल hi बदल गयी
.मोहिनी अपनी मौसी सास की अशी बात सुनकर शर्मा गयी
मोहिनी-: मौसी आप भी न आशा कुछ नहीं ह वो तो आज रत को थे hi नहीं बुआ को लेने आगये थे
.चची-: कोई नई बीटा हो जाता ह चल ठीक तू काम कर .में आती हु
फिर चची बहार आ गयी
chachi+
ye बोल रही राहुल बहार था मतलब इसे पता ह इसने किसी और से छुड़वाया ह कही इसे विभु का पता तो नहीं चल गया )
सब के अपने अपने दिमाग चल रहा था
उधर हमारी दुलहाल रानी बैठी कुछ सोच रही थी उसके दिमाग में कुछ अलग hi चल रहा था उसका दिनाग और दिल में बहस होने लगी बात क्या थी ये तो वह चलेंगे तो पता चलेगा
सिया का दिमाग में विभु का चेहरा बेथ गया था उसे विभु को दिल से प्यार हो गया था जिस कारन वो कल रत सो नहीं सकीय उसे विभु का hi चेहरा अपनी आँखों के सामने दिखा सिया का दिल और दिमाग की आपस मस बाटे होने लगी
दिल-: अपना ले उसे एक बार बोल दे उसे की तू उसे प्यार करती ह सदी से पहले उसे प्रपोज़ करदे उसे लेके भाग जा
दिमाग-: 2 दिन बाद इस आँगन में तेरी बारात आएगी और तू भागने की सोच रही ह क्या होगा जब तेरे माँ बाप पर पूरा गांव हंसेगा
दिल-: पर क्या कृ अब मुझे हर पल उसी का चेहरा क्यों दिख रहा ह
दिमाग-: उसके बारे में ज्यादा सोच मत
दिल-: कैसे न सोचु मेरा पहला प्यार ह वो हर किसी ने मेरा जिस्म hi देखा ह उसने केवल मेरा जिसमे नहीं देखा वो चाहता तो मेरा फायदा उठा सकता ह पर उसने आशा नहीं किया
दिमाग-: तेरी बात सही ह वो अच्छा लड़का ह पर क्या भागना सही रहेगा
दिल-: तो तू hi बता में क्या कृ
दिमाग-: उसे अपना ले वो तेरे प्यार को समझ जायेगा
दिल-: उससे भी मेरे माँ बाप की बदनामी hi होगी
दिमाग-: नहीं तू उसे केवल अपनले सदी तो तू उसी से कर जिसे तेरे घर वालो ने पसंद किया ह पर प्यार तो तू इसे कर सकती ह न
dil-:matlb
दिमाग-: बुद्दू उससे सदी करले प्यार इससे कर इससे किसी को पता भी नहीं चलेगा और तेरा भी काम हो जायेगा और न hi किसी की बदनामी होगी
दिल-: तू सही कह रही पर में अपना पहला सेक्स अपने प्यार से करना चाहती हु अब 3 दिन में उसे मनौ और सेक्स करू
दिमाग-: उसके लिए तू किसी की मदद ले
दिल-: पर किसकी कोण मेरी बात समझेगा
दिमाग-: ये तो तू सोच
दिल-: ठीक ह में मेरा तन और मन विभु को सोप दिया ह अब जो भी होगा उसी के साथ होगा पहले बार
दिमाग-: बेस्ट ऑफ़ लक दयँ से करना 3 दिन बाद तेरी सदी ह कुछ गड़बड़ न हो जाये
dil-:hmm
फिर सिया ने सोच लिया. की वो किसी की मदद लेके विभु को प्रपोज़ करेगी और उसे अपना सब कुछ सोप दूंगी लव ु विभु
वो पहला लड़का ह जिसे मेरा जिस्म बच्या ह नाकि भोगने की निगाह से देख ह तो क्यों न मेरा जिस्म पर पहला हक़ भी उसी का होगा
सिया सोच चुकी थी की उसे अब सिर्फ विभु से hi सब कुछ करना ह वो भी 3 दिन में फिर वो किसी और घर चली जाएगी
उधर सोनम भी विभु की तारीफ निशा के मुँह से सुन किया था कैसे उसने रणजीत से उसे बछया था जिससे सोनम भी विभु पर पूरी तरह इम्प्रेस हो गयी थी
वो अपने कमरे से निकल कर विभु को देखने के लिए बेचें थी
यही हल सिया का था वो दुलहाल के गातुप में बहार आयी और विभु को इधर ऊपर देखने लगी
एक तरफ सोनम विभु को धुंध रही दूसरी और सिया
और अपना विभु गांव में से सिया के खेत पर बैठा अपनी माँ के खोलो में खोया था
विभु+: माँ को कैसे पतौ किसकी मदद लू में कोण मेरी मदद करेगा है चची मेरी मदद जरूर करेगी उनसे मदद लूंगा मुझे उनसे यह से जेक hi बात करूंगा इस मटर में
फिर वो उठ कर घर की तरफ चला गया
घर जाते hi उसे गेट पर प्रियंका दी दिख गयी जिसे देख कर विभु ने ाहः भरी
विभु-: हैयय मेरी हॉट दी
प्रियंका दी-: अपनी बहन से कोई ाशे बोलता ह क्या
में-: और अपने भाई को बाथरूम में नहाते हुवे कोई देखता ह
प्रियंका -: हैट पागल कही के मुझसे यह ाशे मजाक मत कर में यह की बहु हु
में-: हम्म हॉट बहु
दी-; मुझे मरवाएगा किसी ने सुन लिया तो पागल और वो हँसते हुवे वह से चली गयी मोहिनी भाभी के पास दोनों हम उम्र की थी तो दोनों की अच्छी बनती थी
में वह से निकल कर ऊपर आया मेरी नजर िन्दु ममी पर गयी वो वह चुप कर कुछ देख रही थी में भी धीरे से उनके पीछे गया और देखने लगा
मेने सामने जो देखा वो देख मर मेरी हंसी निकल गयी और मेरी हंसी देख कर िन्दु ममी ने जैसे hi पीछे देखा मुझे देख कर शर्मा गयी और वह से भाग गयी
दर असल वो खिड़की में कड़ी थी और बहार एक कुत्ता कुटिया पर चढ़ कर उसे पेल रहा था ये देख रही थी िन्दु ममी
उनके भागते hi में अभी अपने कमरे में आ गया में जैसे hi कमरे में आया तो देखा वह आरव अपने लुंड को सहला रहा था उसकी जीन्स उसके घुटनो में थी और उसके हाथ में एक फोटो था जिसे देख कर वो लुंड हिला था था वो बीएड पर सोये हुवे लुंड हिला रहा था मेने देखा उसका लुंड अभी छोटा और गोरा था पर मुझसे आधे से कुछ काम था लगभग 4 इंच का इंच का था उसका लुंड और मोटाई में भी काम hi था अभी उसकी उम्र काम थी मुझसे 2 साल छोटा था वो
मेने चुपके से देखने कोई 2 मिनिट में उसका पानी निकल गया उसने रहत की साँस की और फोटो को वापस अलमारी मर रख रख दिया
जब वो अलमारी में फोटो रखा तभी में आ गया अंदर
में-: क्या कर रहा ह आरव
आरव-: कुछ नहीं भइया बस बैठा था
में-: और पड़े किसी चल रही ह तेरी
आरव-: ठीक भइया .
में-: पड़े में दयँ तो देता ह न तू
आरव-: हम्म
इतने में सुमन मुझे खाने के लिए भुलाने आयी में और आरव निचे आये और खाने लगे
आज मेहमान ज्यादा होने से हम सब एक पंगत बना कर खाना खा रहे थे खाना कहते हुवे मेरी निगाह सिया दी पर गयी सिया को देख कर मुझे वीडियो यद् आ गया जिसमे सिया दी मादरजात नंगी अपने दूध और छूट से खेल रही थी
वाकय में कमल का जिस्म था सिया दी का हर अंग परफेक्ट था उनका
दुल्हन के लिबास में वो और भी मस्त लग रही थी
में उनकी तरफ hi देख रहा था तभी उन्होंने मेरी तरफ देखा हम दोनों की निगाह मिली मेने उन्हें स्माइल दी जिसके बदले में उन्होंने भी मुझे प्यारी से स्माइल दी
खाना खा कर में ऊपर कमरे में आ गया आज भी कुछ कार्यक्रम था सदी मर निचे जिसकी तैयारी चल रही थी
मेने कमरे में आके धीरे से दरवाजा लगाया और आरव का बैग देखने लगा
ने जानना चाहता था की वो किसके फोटो को देख कर मुठ मर रहा था मेने जैसे hi बैग खोला उसमे से एक फोटो निकला जिसे देखकर में दांग रह गया
है दोस्तों वो नीता चची का था मतलब आरव अपनी माँ की फोटो को देख कर मुठ मर रहा था मेने वो फोटो वापस वही रख दिया और बीएड पर लेट कर उस लड़के का मोबाइल देखने लगा
में-: देखता हु और क्या क्या ह इसमें मेरे गांव भी आया था ये वह तो किसी के साथ गलत काम नहीं किया
मेने मोबाइल ों किया था की उस पर कॉल आ गया नाम था विक्रम भाई मतलब विक्रम का कॉल था मीन कॉल कट किया और सीम निकल कर जेब में रख दी क्र वापस मोबाइल ों मर दिया
में-: इसका विक्रम से क्या रिस्ता ह जानना पड़ेगा पर कैसे देखता हु मोबाइल में कुछ मिल जाये
मेने मोबाइल चालू किया और उसमे गैलरी ओपन की मेने फोटो ओपन करके देखने लगा उसमे कुछ फेमेली करके कुछ फोल्डर था मेने वो खोला और देखने लगा
पहला फोटो देखा तो में दांग रह गया उसमे ठाकुर और ठकुराइन का फोटो था और निचे एडिट से माँ पापा लिख रखा था
फिर धीरे धीरे करके सरे ठाकुर की फेमेली की ोर्टो के फोटो आते गए सब एक से बढ़कर एक मॉल थी मेने उन्हें कभी देखा नहीं था उसमे विक्रम. और जसवंत की पत्नी का फोटो भी था
दोनक तगड़े मॉल थे भरा बदन था दोनों को पर ये क्या दोनों की सकल शामे दिख रही थी लगता ह दोनों बहन hi होगी
मेने सब फोटो देखे आधे को में पहचान ता था आधे को नहीं कई लड़कियों के फोटो थे उसमे
फिर मेने एक दूसरा दिलदार ओपन किया जिसने मुझे कुछ वीडियो दिखे
मेने देखा तो जैसे सिया दी का वीडियो नहाते हुवे बना या था वैसे hi वह बहुत सरे लड़कियों और ोारतो के फोटो थे
मेने एक दूसरा फोल्डर ओपन किया पर वो अपने हुआ उसमे एक और फोल्डर था उसको फिर ओपन किया उसने एक और फोल्डर था ाशे करके मेने कोई 10 फोल्डर ओपन किया एक के बाद एक बाद ओपन होते गए और लास्ट में कुछ वीडियो और फोटो आये जिन्हे देख कर मेरे होश हद गए और मेरे हाथ से मोबाइल गिर गया
उसमे मेरी ममता का वीडियो था शामे सिया जैसा वो भी नाहा रही थी और उसका वीडियो बनाया गया था
ये देख मर मुझे उस पर गुस्सा बाद गया में-: तू कोण ह ये जल्दी hi पता करके तेरा नाम ो नीसाण मिटा दूंगा
मेने हिम्मत करके और वीडियो खोल कर देखने लगा जैसे hi मेने दूसरा वीडियो देखा उसमे ठाकुर की बेटी रानी का वीडियो था
तीसरा और चौथा वीडियो विक्रम. और जसवंत की पत्नी का था
मेने मोबाइल को बाद किया और रख लिया वापस जेब में
में-: कितना कमीना ह ये सबके वीडियो बना लिए नहाते हुवे पर ये सब ये कैसे करता ह
में अपनी सोच में घूम था की तभी कोई मेरे रूम में आया
मेने उसे देखा तो वो और कोई नहीं दुल्हन रानी सिया थी
सिया दी-: विभु मुझे तुमसे कुछ बात करना ह
में-: है दी बोलो
सिया-: तुमने hi मेरी इज्जत बचायी थी न कल रत को
विभु-: ये आप क्या बोल रही हो मेने तो कुछ नहीं kiya(jhut)
सिया के सरे अरमान एक पल में टूट गए उसकी आँखों में आंसू आ गए
सिया-: सुच तुमने कल मेरी मदद नहीं की
में-: (jhut)nhi तो
सिया -: क्यों झूट बोल रहे हो मेने अच्छी तरह से देखा था वो तुम hi थे
में-: दी आप क्या बोल रही हो में कहा था मुझे कुछ समझ नहीं आ रहा ह
दी-: खा अपनी माँ की कसम की कल रत तूने उस लड़के से मेरी इज्जत नहीं बचायी
में-: diiiiiiiiiii
दी-: अब खा न कसम
में-: है दी बचायी थी मेने आपकी इज्जत
दी-: फिर झूट क्यों बोलै तू मुझे
में-: बस ाशे hi आप चुप हो जाओ वार्ना आपका मकूप निकल जायेगा और आपका कला चेहरा दिख जायेगा
मेरी बात सुनकर दी के चेहरे पर स्माइल आ गयी और मुझे मरने के लिए आगे आयी
दी-: मुझे काली बोलै रुक तू
में-: दी ये सब छोड़ो मुझे ये बताओ वो लड़का आपको ब्लैकमेल क्यों कर रहा था
दी-: वो उसने मेरा एक वीडियो बनाया था
में-: कोनसा वीडियो
दी-: में एक बार मेरे बाथरूम में नाहा रही थी पता नहीं उसने कैसे मोबाइल छुपा कर मेरा वीडियो बना लिया और अब मुझे ब्लैकमेल कर रहा था
में-: अब नहीं करेगा मोबाइल मेरे पास ह
दी-: हम्म मुझे पता ह
में-: वैसे में भी तो देखु उस वीडियो को आशा क्या ह उस वीडियो में
दी-: शर्मा जाती ह विभु मुझे दो मोबाइल मुझे वीडियो डिलीट करना ह
me-:nhi पहले में देखूंगा फिर दे दूंगा
di-
video में क्या में तो तुम्हे अभी सब कुछ दिखा दू तुम एक बार बोलो यो sahi)vibhu प्ल्ज़
में-: दी केवल एक बार
दी-: ठीक ह देख कर देलेट क्र देना
में-: ये बात हुई न मेरी दुलहाल रानी
दी-: क्या बोलै तू अभी
में-: मेरी फ़िलहाल रानी
दी-: हैट पागल
और जाने लगी गेट पर जेक मेरी तरफ देखा और बोली वैसे मुझे अपनी दुल्हन रानी बना सकता ह मेरी तरफ से है ह
इतना बोल कर दी बहार निकल गयी
सुबह मेरी नींद सुबह 8 बजे सुमन से उठाने से खुली
में-: है उठ रहा हु तू जा में अभी आया
सुमन-: में चली जाउंगी तो जादू की झप्पी कोण देगा
में-: हम्म्म
में उठ गया और सुमन को गले लगा लिया कुछ देर गले लगा के रखा फिर वो शर्मा के चली गयी
में-: इसको क्या हुआ अब
में वह से बहार बाथरूम में जाने लगा तभी मेरी निगाह कांच में मेरे ऊपर गयी मेरा लुंड खड़ा था और लोअर में तम्बू बना हुआ था
में अपने खड़े लुंड को देख कर चौक गया इसलिए समन शर्मा के गयी ह
मगर उसको देख कर तो मेरा लुंड खड़ा नहीं होता ह ये तो पहले से hi ह
फिर मेने थोड़ी देर लुंड के बैठने का इंतजार किया और फिर बहार जेक हाथ मुँह धोके रूम में आ गया और कपडे पहन कर निचे चला गया
निचे जेक देखा तो सब मण्डली बैठे थी मेरी सब्जी बहने मेने सबको गम कहा और उनके पास बेथ गया
मेरे आती hi मेरी प्यारी बहन सुमन उठ कर रसोई में चली गयी
कुछ देर बाद वो चाय लेके आयी और मुझे दे दी
me-
में चाय पि कर बहार निकल गया थोड़ा गांव ने घूमने के लिए आज रनिंग नहीं हुई थी इसलिए
इधर मोहिनी रत को 3 बजे तक दमदार चुदाई से थक हर कर सो गयी सुबह 5.30 बजे उसके पति ने दरवाजा बजाय
मोहिनी हड़बड़ा के उठ गयी उसकी नींद पूरी नहीं हुई थी वो और सोना चाहती थी पर नहीं सो पायी क्योकि घर में मेहमान ह
उसने धीरे से उठ कर थोड़ा लंगड़ाते हुवे चलते हुवे गेट खोल दिया
सामने राहुल खड़ा था जो अभी अपनी बुआ को लेके आया था सहर से
राहुल अंदर आ गया मोहिनी ने राहुल को देख कर रत वाली चुदाई यद् आ गयी
वो लंगड़ाते हुवे राहुल के पास बीएड पर बेथ गयी
.राहुल-: क्या हुआ मोहिनी ाशे क्यों चल रही ह
mohini-
राहुल-: ठीक ह गोली लेलो पैन किल्लर
मोहिनी-
राहुल-: सॉरी मोहिनी आज रत को में आ नहीं सका छत पर
मोहिनी ये सुन कर उसके कण खड़े हो गए वो अशी हो गयी जैसे उसके काटो तो खून नहीं फिर भी हिम्मत की
mohini-
राहुल-: में तो छत पर आने hi वाला था की पापा आ गए और मुझे दोनों बुआ को लेने सहर भेज दिया अभी जस्ट आ hi रहा हु
ये सुनकर मोहिनी को पक्का विश्वास हो गया की आज रत को ये नहीं थे ऊपर
इतने बहार से किसी ने राहुल को आवाज दी तो राहुल उठ कर बाथरूम में फ्रेश होने चला गया
मोहिनी-: (क्या ये तो पक्का हो गया ये नहीं थे ऊपर फिर कोण था ऊपर जिसने मुझे इतनी बुरी तरह से छोड़ा तभी में सोचु ये आशा को कभी नहीं करते उसने तो कल बहुत कुछ किया ह मुझे इतना मजा दिया ह की में कुछ कह नहीं सकती कोण था वो मुझे पता करना लड़ेगा और ये बात मुझे इनसे चुप्पा कर रखनी पड़ेगी पर वो था कोण क्या उसे पता था की वो मुझे छोड़ रहा ह ये वो भी अनजान बन कर कर रहा था मुझे ये पता करना होगा कोण ह वो कही वो मेरा गलत फायदा तो नहीं उठाएगा में कही मुँह दिखने के काबिल नहीं रहूंगी मुझे पता करना होगा कोण था जिसने मुझसे इतना कुछ करवा लिया ये बात किसी को पता न चले वार्ना में कही की नहीं रहूंगी ये सब लोग मुझे यह से निकल देंगे )
इन्ही खयालो में खोयी हुई मोहिनी को पता hi नहीं चला कब राहुल आ गया और उसे आवाज लगायी उसने सुना नहीं
राहुल-: मोहिनी क्या हुआ तुम्हे
मोहिनी-: कुछ नहीं
राहुल-: मेरे कपडे दो जल्दी
फिर मोहिनी ने राहुल के कपडे दे दिए राहुल कपडे पहन कर बहार चला गया
दिहार मोहिनी भी अब बाथरूम में घुस गयी और अपने कपडे निकल कर अपनी छूट को देखने लगी
मोहिनी-: ये तो अभी तक सूजी हुई ह बाप रे कितना तगड़ा लुंड था उसका कोण ह रे तू
फिर मोहिनी ने कुछ सोच कर अपने चेहरे पैर स्माइल लायी और नाहा कर बहार आ गयी उसको हल्का हल्का दर्द अभी भी था उसने आधी पैन किल्लर और ली और चल दी रसोई में मेहमानो के लिए चाय बनाने
इधर में गांव में घूम कर जल्दी hi घर आ गया घर आके में ऊपर अपने रूम में चला गया
वह जेक मेने अपने कपडे देखे तो वह मेरे सरे कपडे रखे थे मतलब सुमन ने मेरे कपडे यही रख कर चली गयी
मुझे अब सुमन से और प्यार बढ़ता hi जा रहा था
मेने अपने कपड़े लिए और नहाने चला गया नाहा कर मेने बाथरूम में hi कपडे पहन लिए क्र रूम में आ गया रूम में आके मेने में अच्छे से तैयार होक निचे आ गया
में निचे आया तो मेरी नजर मोहिनी भाभी पर गयी
में-: ये तो वही ह जिसने कल मुझे बिस्तर निकलवाए थे पर ये कोण ह पर ये कल तो ठीक थी आज लँगड़ाके क्यों चला रही ह
तभी वह से निया आती हुई दिखी
में-: निया ये औरत कोण ह
निया-: भैया से मेरी मौसी का लड़का ह न राहुल भइया उसकी पत्नी मोहिनी भाभी ह
में-: ओह्ह्ह्हह तभी बोलो ये इतना काम कई कर रही ह
निया-: अरे इनके घर ने सदी ह तो काम करेगी न
में-: है वैसे आज ये लँगड़ाके क्यों चल रही ह
निया-: वो भाभी रत को सीढ़ियों से गिर गयी उनके पैर में मोच आ गयी ह
में-: ठीक ह निया
मेरी निगाह अब चची पर गयी पर मुझे चची कही दिखी नहीं
me-
में उन्हें ढूंढने लगा तभी मुझे चची सामने से आती हुई दिखी
मेने उन्हें स्माइल की उन्होंने भी मुझे स्माइल की
में-: धीर्रे से वाहहह मेरी नीता रत की चुदाई से इतनी चहक गयी ीरर्र इतनी हसीं दिखोगी तो में तो मर hi जाऊंगा न
चची-: (रत को चुदाई की में तो तात को गयी नहीं फिर इसने किसके साथ किया पता करना ladega)ha बीटा अब इस तरह से करेगा तो में तो खुस hi रहूंगी न मेरी पति जान
में-: वैसे चची मजा आया रत को आज फिर आ जाना वही 12 बजे
नीता चैबी-: है आ जाउंगी बीटा
इतने में विभु को निशा भुलाने आ गयी तो विभु उसके साथ चला गे
नीता chachi-
है यद् आया विभु ंद उसे छोड़ा होगा तो उसकी तो चल hi बदल गयी होगी अब मुझे पता करना ह कोण हे वो जो लंगड़ी घोड़ी जो विभु से रत में चुद मर आयी क्र कुछ बोलै तक नहीं )
वह से नीता चची भावना आंटी के पास चली गयी
और निशा दी मुझे लेके अपने रूम में आ गयी वह कोई नहीं था निशा दी
निशा-: है दो आपको अपनी गफ की यद् नहीं आयी
में-: बहुत आयी पर क्या करू यह बहुत सरे मेहमान जो ह
निशा -:अभी तो कोई नहीं ह न
और निशा दी ने अपने होठ मेरे होठो से मिला दिए
मेभी निशा दी जैसे हॉट मॉल को किश करने लगा
हम ये भूल गए की हम कहा ह हमें कोई दरवाजे से किश मरते हुवे देखने लगा
वो ये देख मर दर गयी की एक भाई बहन ी
होतो पर किश कैसे कर सकते ह
वो और कोई नहीं निशा के मां की बड़ी लड़की सोनम थी
अब हम दोनों किश तोड़ कर जोर जोर से सांसे लेने लगे उधर सोनम धीरे से बहार निकल गयी इतना कामुक सीन देखने से सोनम की कुंवारी छूट ने हल्का से आंसू निकल दिए
सोनम-: (क्या में देख रही हु ये सुच ह निशा विभु को किश कर रही थी मतलब इन दोनों के बिच कुछ चल रहा बम्ह पर ये तो उसका भाई ह फिर कैसे मुझे पता करना होगा )
और उसने धीरे से अपनी छूट को कपड़ो के ऊपर से खुजा लिया हाहाहाःहाहा मा
और वो वह से निकल कर बाकि बहनो से पास चली गयी
कुछ देर बाद निशा आयी क्र सोनम के पास बेथ गयी
सोनम ने निशा डी को अपने साथ चलने का बोलै और उसे एक रूम में ले आयी
सोनम-: निशा ये सब क्या ह
निशा-: क्या हुआ मेने क्या किया
सोनम-: तूने क्या किया ये बोल तूने क्या नहीं किया
निशा-: सोनम तू साफ साफ बता मुझे क्या बात ह
सोनम-: तू अभी कुछ देर पहले तेरे रूम में विभु को किश कर रही थी
ये सुनकर निशा दर जाती ह फिर खुद को संभाली टी
निशा-: तो क्या हुआ वो मेरा भाई ह में कुछ भी कर सकती हु उसके साथ
सोनम-: पर मेरी बहन ये गलत ह भाई बहन के बिच आशा नहीं होता
निशा-: तो क्या होता ह
सोनम-: ओनली एक लिमिट तक hi उनका रिस्ता रहता ह
निशा--
सोनम-: व्हाटट प्यारर अपने भाई से
निशा-: हम्म्म
सोनम-: तू सुच में पागल हो गयी ह
निशा-: है में विभु के प्यार में पागल हो गयी मेरी जगह तू होती तो तुजे भी उससे प्यार हो जाता
सोनम-: आशा क्या हुआ मुझे बता
निशा-: सुन्न
फिर निशा ने सोनम को वो साडी बाटे बता दी जो रणजीत से लेके थप्पड़ तक और बीमारी से लेके विभु को प्रपोज़ तक हुई सब
ये सुनकर सोनम की आँखे छोड़ी हो गयी उसकी आँखों से भी आंसू आ गए
समान-: सुच निशा विभु ने तेरी इज्जत बचायी और बदले में तुमने उसे छठा रखा था जबकि गलती तेरी थी
फिर भी उसने कुछ नहीं बोलै सुच में विभु महँ ह
अब मुझे लगने लगा तूने सही किया ह
निशा-: सुच तू किसी को बताएगी तो नहीं न
सोनम-: नहीं मेरी रानी वैसे जीजू ने क्या क्या किया ह आपके साथ
निशा-: क्या जीजू लगा के रखा ह चुप विभु ह वो मेरा प्यार
सोनम-: एक बात बता अगर तुजे उससे प्यार हुआ तो क्या सदी
निशा-: नहीं रे सोनम सदी नहीं बस प्यार आशा प्यार जो कभी काम न हो में सदी किसी और से कर लुंगी समाज के लिए पर मेरा तन मन विभु का ह
सोनम-: है में भी यही सोच रही थी तू सदी कर लेना जिससे लोगो को गलत न लगे
और है ये सं करने से पहले दरवाजा बंद कर दिया कर कोई और लेता तो लफड़ा हो जाता मेरी जान
निशा-: है आगे से दीना रखूंगी
फिर दोनों ाशे hi बाटे करने लगे
सोनम की नजर में भी विभु हीरो बन गया था
इधर मोहिनी भाभी रसोई में कड़ी कुछ काम कर रही थी
आज मोहिनी कुछ ज्यादा hi खुस थी
उसे दर भी था की रत को कोण था जिसने उसे इतने अच्छे से छोड़ा पर दिल इतनी भयानक चुदाई से गदगद हो गया था
हो भी क्यों न इतनी सुडोल बदन की औरत को कल रत पहली बार संतुष्ट हुई ह
उसके चेहरे की खुसी देखने लायक थी
इधर मोहिनी को पता भी नहीं नीता चची रसोई के दरवाजे सेब उसकी खुसी और चल से समझ गयी तह ी की आज रत विभु से छोड़ने वाली उसकी बहन की बहु मोहिनी hi ह
.chachi-
चची-: बहु क्या कर रही हो
मोहिनी अपने खयालो से बाहर आयी
मोहिनी-: कुछ नहीं मौसी बस थोड़ा काम कर रही हु
चची-: है क्यों नहीं वैसे आज तेरी चल को क्या हुआ
मोहिनी-: मौसी वो में रत को फिसल गयी थी
chachi-
.मोहिनी अपनी मौसी सास की अशी बात सुनकर शर्मा गयी
मोहिनी-: मौसी आप भी न आशा कुछ नहीं ह वो तो आज रत को थे hi नहीं बुआ को लेने आगये थे
.चची-: कोई नई बीटा हो जाता ह चल ठीक तू काम कर .में आती हु
फिर चची बहार आ गयी
chachi+
सब के अपने अपने दिमाग चल रहा था
उधर हमारी दुलहाल रानी बैठी कुछ सोच रही थी उसके दिमाग में कुछ अलग hi चल रहा था उसका दिनाग और दिल में बहस होने लगी बात क्या थी ये तो वह चलेंगे तो पता चलेगा
सिया का दिमाग में विभु का चेहरा बेथ गया था उसे विभु को दिल से प्यार हो गया था जिस कारन वो कल रत सो नहीं सकीय उसे विभु का hi चेहरा अपनी आँखों के सामने दिखा सिया का दिल और दिमाग की आपस मस बाटे होने लगी
दिल-: अपना ले उसे एक बार बोल दे उसे की तू उसे प्यार करती ह सदी से पहले उसे प्रपोज़ करदे उसे लेके भाग जा
दिमाग-: 2 दिन बाद इस आँगन में तेरी बारात आएगी और तू भागने की सोच रही ह क्या होगा जब तेरे माँ बाप पर पूरा गांव हंसेगा
दिल-: पर क्या कृ अब मुझे हर पल उसी का चेहरा क्यों दिख रहा ह
दिमाग-: उसके बारे में ज्यादा सोच मत
दिल-: कैसे न सोचु मेरा पहला प्यार ह वो हर किसी ने मेरा जिस्म hi देखा ह उसने केवल मेरा जिसमे नहीं देखा वो चाहता तो मेरा फायदा उठा सकता ह पर उसने आशा नहीं किया
दिमाग-: तेरी बात सही ह वो अच्छा लड़का ह पर क्या भागना सही रहेगा
दिल-: तो तू hi बता में क्या कृ
दिमाग-: उसे अपना ले वो तेरे प्यार को समझ जायेगा
दिल-: उससे भी मेरे माँ बाप की बदनामी hi होगी
दिमाग-: नहीं तू उसे केवल अपनले सदी तो तू उसी से कर जिसे तेरे घर वालो ने पसंद किया ह पर प्यार तो तू इसे कर सकती ह न
dil-:matlb
दिमाग-: बुद्दू उससे सदी करले प्यार इससे कर इससे किसी को पता भी नहीं चलेगा और तेरा भी काम हो जायेगा और न hi किसी की बदनामी होगी
दिल-: तू सही कह रही पर में अपना पहला सेक्स अपने प्यार से करना चाहती हु अब 3 दिन में उसे मनौ और सेक्स करू
दिमाग-: उसके लिए तू किसी की मदद ले
दिल-: पर किसकी कोण मेरी बात समझेगा
दिमाग-: ये तो तू सोच
दिल-: ठीक ह में मेरा तन और मन विभु को सोप दिया ह अब जो भी होगा उसी के साथ होगा पहले बार
दिमाग-: बेस्ट ऑफ़ लक दयँ से करना 3 दिन बाद तेरी सदी ह कुछ गड़बड़ न हो जाये
dil-:hmm
फिर सिया ने सोच लिया. की वो किसी की मदद लेके विभु को प्रपोज़ करेगी और उसे अपना सब कुछ सोप दूंगी लव ु विभु
वो पहला लड़का ह जिसे मेरा जिस्म बच्या ह नाकि भोगने की निगाह से देख ह तो क्यों न मेरा जिस्म पर पहला हक़ भी उसी का होगा
सिया सोच चुकी थी की उसे अब सिर्फ विभु से hi सब कुछ करना ह वो भी 3 दिन में फिर वो किसी और घर चली जाएगी
उधर सोनम भी विभु की तारीफ निशा के मुँह से सुन किया था कैसे उसने रणजीत से उसे बछया था जिससे सोनम भी विभु पर पूरी तरह इम्प्रेस हो गयी थी
वो अपने कमरे से निकल कर विभु को देखने के लिए बेचें थी
यही हल सिया का था वो दुलहाल के गातुप में बहार आयी और विभु को इधर ऊपर देखने लगी
एक तरफ सोनम विभु को धुंध रही दूसरी और सिया
और अपना विभु गांव में से सिया के खेत पर बैठा अपनी माँ के खोलो में खोया था
विभु+: माँ को कैसे पतौ किसकी मदद लू में कोण मेरी मदद करेगा है चची मेरी मदद जरूर करेगी उनसे मदद लूंगा मुझे उनसे यह से जेक hi बात करूंगा इस मटर में
फिर वो उठ कर घर की तरफ चला गया
घर जाते hi उसे गेट पर प्रियंका दी दिख गयी जिसे देख कर विभु ने ाहः भरी
विभु-: हैयय मेरी हॉट दी
प्रियंका दी-: अपनी बहन से कोई ाशे बोलता ह क्या
में-: और अपने भाई को बाथरूम में नहाते हुवे कोई देखता ह
प्रियंका -: हैट पागल कही के मुझसे यह ाशे मजाक मत कर में यह की बहु हु
में-: हम्म हॉट बहु
दी-; मुझे मरवाएगा किसी ने सुन लिया तो पागल और वो हँसते हुवे वह से चली गयी मोहिनी भाभी के पास दोनों हम उम्र की थी तो दोनों की अच्छी बनती थी
में वह से निकल कर ऊपर आया मेरी नजर िन्दु ममी पर गयी वो वह चुप कर कुछ देख रही थी में भी धीरे से उनके पीछे गया और देखने लगा
मेने सामने जो देखा वो देख मर मेरी हंसी निकल गयी और मेरी हंसी देख कर िन्दु ममी ने जैसे hi पीछे देखा मुझे देख कर शर्मा गयी और वह से भाग गयी
दर असल वो खिड़की में कड़ी थी और बहार एक कुत्ता कुटिया पर चढ़ कर उसे पेल रहा था ये देख रही थी िन्दु ममी
उनके भागते hi में अभी अपने कमरे में आ गया में जैसे hi कमरे में आया तो देखा वह आरव अपने लुंड को सहला रहा था उसकी जीन्स उसके घुटनो में थी और उसके हाथ में एक फोटो था जिसे देख कर वो लुंड हिला था था वो बीएड पर सोये हुवे लुंड हिला रहा था मेने देखा उसका लुंड अभी छोटा और गोरा था पर मुझसे आधे से कुछ काम था लगभग 4 इंच का इंच का था उसका लुंड और मोटाई में भी काम hi था अभी उसकी उम्र काम थी मुझसे 2 साल छोटा था वो
मेने चुपके से देखने कोई 2 मिनिट में उसका पानी निकल गया उसने रहत की साँस की और फोटो को वापस अलमारी मर रख रख दिया
जब वो अलमारी में फोटो रखा तभी में आ गया अंदर
में-: क्या कर रहा ह आरव
आरव-: कुछ नहीं भइया बस बैठा था
में-: और पड़े किसी चल रही ह तेरी
आरव-: ठीक भइया .
में-: पड़े में दयँ तो देता ह न तू
आरव-: हम्म
इतने में सुमन मुझे खाने के लिए भुलाने आयी में और आरव निचे आये और खाने लगे
आज मेहमान ज्यादा होने से हम सब एक पंगत बना कर खाना खा रहे थे खाना कहते हुवे मेरी निगाह सिया दी पर गयी सिया को देख कर मुझे वीडियो यद् आ गया जिसमे सिया दी मादरजात नंगी अपने दूध और छूट से खेल रही थी
वाकय में कमल का जिस्म था सिया दी का हर अंग परफेक्ट था उनका
दुल्हन के लिबास में वो और भी मस्त लग रही थी
में उनकी तरफ hi देख रहा था तभी उन्होंने मेरी तरफ देखा हम दोनों की निगाह मिली मेने उन्हें स्माइल दी जिसके बदले में उन्होंने भी मुझे प्यारी से स्माइल दी
खाना खा कर में ऊपर कमरे में आ गया आज भी कुछ कार्यक्रम था सदी मर निचे जिसकी तैयारी चल रही थी
मेने कमरे में आके धीरे से दरवाजा लगाया और आरव का बैग देखने लगा
ने जानना चाहता था की वो किसके फोटो को देख कर मुठ मर रहा था मेने जैसे hi बैग खोला उसमे से एक फोटो निकला जिसे देखकर में दांग रह गया
है दोस्तों वो नीता चची का था मतलब आरव अपनी माँ की फोटो को देख कर मुठ मर रहा था मेने वो फोटो वापस वही रख दिया और बीएड पर लेट कर उस लड़के का मोबाइल देखने लगा
में-: देखता हु और क्या क्या ह इसमें मेरे गांव भी आया था ये वह तो किसी के साथ गलत काम नहीं किया
मेने मोबाइल ों किया था की उस पर कॉल आ गया नाम था विक्रम भाई मतलब विक्रम का कॉल था मीन कॉल कट किया और सीम निकल कर जेब में रख दी क्र वापस मोबाइल ों मर दिया
में-: इसका विक्रम से क्या रिस्ता ह जानना पड़ेगा पर कैसे देखता हु मोबाइल में कुछ मिल जाये
मेने मोबाइल चालू किया और उसमे गैलरी ओपन की मेने फोटो ओपन करके देखने लगा उसमे कुछ फेमेली करके कुछ फोल्डर था मेने वो खोला और देखने लगा
पहला फोटो देखा तो में दांग रह गया उसमे ठाकुर और ठकुराइन का फोटो था और निचे एडिट से माँ पापा लिख रखा था
फिर धीरे धीरे करके सरे ठाकुर की फेमेली की ोर्टो के फोटो आते गए सब एक से बढ़कर एक मॉल थी मेने उन्हें कभी देखा नहीं था उसमे विक्रम. और जसवंत की पत्नी का फोटो भी था
दोनक तगड़े मॉल थे भरा बदन था दोनों को पर ये क्या दोनों की सकल शामे दिख रही थी लगता ह दोनों बहन hi होगी
मेने सब फोटो देखे आधे को में पहचान ता था आधे को नहीं कई लड़कियों के फोटो थे उसमे
फिर मेने एक दूसरा दिलदार ओपन किया जिसने मुझे कुछ वीडियो दिखे
मेने देखा तो जैसे सिया दी का वीडियो नहाते हुवे बना या था वैसे hi वह बहुत सरे लड़कियों और ोारतो के फोटो थे
मेने एक दूसरा फोल्डर ओपन किया पर वो अपने हुआ उसमे एक और फोल्डर था उसको फिर ओपन किया उसने एक और फोल्डर था ाशे करके मेने कोई 10 फोल्डर ओपन किया एक के बाद एक बाद ओपन होते गए और लास्ट में कुछ वीडियो और फोटो आये जिन्हे देख कर मेरे होश हद गए और मेरे हाथ से मोबाइल गिर गया
उसमे मेरी ममता का वीडियो था शामे सिया जैसा वो भी नाहा रही थी और उसका वीडियो बनाया गया था
ये देख मर मुझे उस पर गुस्सा बाद गया में-: तू कोण ह ये जल्दी hi पता करके तेरा नाम ो नीसाण मिटा दूंगा
मेने हिम्मत करके और वीडियो खोल कर देखने लगा जैसे hi मेने दूसरा वीडियो देखा उसमे ठाकुर की बेटी रानी का वीडियो था
तीसरा और चौथा वीडियो विक्रम. और जसवंत की पत्नी का था
मेने मोबाइल को बाद किया और रख लिया वापस जेब में
में-: कितना कमीना ह ये सबके वीडियो बना लिए नहाते हुवे पर ये सब ये कैसे करता ह
में अपनी सोच में घूम था की तभी कोई मेरे रूम में आया
मेने उसे देखा तो वो और कोई नहीं दुल्हन रानी सिया थी
सिया दी-: विभु मुझे तुमसे कुछ बात करना ह
में-: है दी बोलो
सिया-: तुमने hi मेरी इज्जत बचायी थी न कल रत को
विभु-: ये आप क्या बोल रही हो मेने तो कुछ नहीं kiya(jhut)
सिया के सरे अरमान एक पल में टूट गए उसकी आँखों में आंसू आ गए
सिया-: सुच तुमने कल मेरी मदद नहीं की
में-: (jhut)nhi तो
सिया -: क्यों झूट बोल रहे हो मेने अच्छी तरह से देखा था वो तुम hi थे
में-: दी आप क्या बोल रही हो में कहा था मुझे कुछ समझ नहीं आ रहा ह
दी-: खा अपनी माँ की कसम की कल रत तूने उस लड़के से मेरी इज्जत नहीं बचायी
में-: diiiiiiiiiii
दी-: अब खा न कसम
में-: है दी बचायी थी मेने आपकी इज्जत
दी-: फिर झूट क्यों बोलै तू मुझे
में-: बस ाशे hi आप चुप हो जाओ वार्ना आपका मकूप निकल जायेगा और आपका कला चेहरा दिख जायेगा
मेरी बात सुनकर दी के चेहरे पर स्माइल आ गयी और मुझे मरने के लिए आगे आयी
दी-: मुझे काली बोलै रुक तू
में-: दी ये सब छोड़ो मुझे ये बताओ वो लड़का आपको ब्लैकमेल क्यों कर रहा था
दी-: वो उसने मेरा एक वीडियो बनाया था
में-: कोनसा वीडियो
दी-: में एक बार मेरे बाथरूम में नाहा रही थी पता नहीं उसने कैसे मोबाइल छुपा कर मेरा वीडियो बना लिया और अब मुझे ब्लैकमेल कर रहा था
में-: अब नहीं करेगा मोबाइल मेरे पास ह
दी-: हम्म मुझे पता ह
में-: वैसे में भी तो देखु उस वीडियो को आशा क्या ह उस वीडियो में
दी-: शर्मा जाती ह विभु मुझे दो मोबाइल मुझे वीडियो डिलीट करना ह
me-:nhi पहले में देखूंगा फिर दे दूंगा
di-
में-: दी केवल एक बार
दी-: ठीक ह देख कर देलेट क्र देना
में-: ये बात हुई न मेरी दुलहाल रानी
दी-: क्या बोलै तू अभी
में-: मेरी फ़िलहाल रानी
दी-: हैट पागल
और जाने लगी गेट पर जेक मेरी तरफ देखा और बोली वैसे मुझे अपनी दुल्हन रानी बना सकता ह मेरी तरफ से है ह
इतना बोल कर दी बहार निकल गयी