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- Dec 5, 2013
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है पर आप कर नहीं पाओगे
कोई उटपटांग आईडिया होगा तो नहीं कर पाउंगी
उटपटांग नहीं है.. अच्छा वाला है
उसकी और अड्डा के साथ देखते हुई कहती है..
पक्का
हाँ मेमसाब
बको
ये जो विंडो है न
उसका क्या
उसपे पाँव रख के आप उप्पर जड़ जाओ.. ऐसा लेन्टाइन को हाट पकड़ के ऊपर चढ़ जाओ..
नहीं नहीं मुझसे नहीं होगा ये
तरय तो कर लो मेमसाब
नवाज़ मई नहीं कर पाऊँगी ये
आप नहीं कर पाओगे तो ठीक है पर एक बार तरय तो कर लो
नवाज़ तुम समाज क्यों नहीं रहे हो.. मैंने इस वक़्त साडी पहनी है.. और साडी पहन के एक पाँव इस विंडो पाई और दूसरी विंडो पाई नहीं रख सकती और न hi उप्पर चढ़ सकती हु
हाँ वो बात भी सही है
मई तुम्हारी यहाँ हेल्प करने आयी हु.. और तुम हर काम मुझसे hi करवाना चाहते हो
नहीं नहीं ऐसे कोई बात नहीं है
तो फिर तुम या तुम्हारी छमकछल्लो क्यों नहीं करते
मेरा वजन ये विंडो नहीं लेगा..
और नीता का
उसका हाट वह लेन्टाइन तक नहीं जायेगा
नवाज़ की बात सुनकर आरती कहती है
तुम्हारी बात तो सही है
अभी हमारी पास वही एक ऑप्शन बचा है
मई नहीं कर सकती.. तुम्हारे छमकछल्लो से करवा लो
वही बात फिर से मेमसाब.. मई तो कह रहा हु.. उसका हाट वह तक नहीं जायेगा
तुमने उतने के बाद भी
हां मेमसाब
थोड़ा और उप्पर उठाते है.. चाहे तो इसमे मई तुम्हारी हेल्प कर लुंगी..
जिस मई हेल्प करने को बोलता हु वह आप हेल्प नहीं कर रही हो.. और यहाँ आप के हेल्प की जरुरत नहीं है वह हेल्प कर रही हो..
नहीं मेरे कहने का मतलब है हम दोनों मिलके उसे और उप्पर उठा सकते है ताकि उसका हाट पहुँच जाये बॉक्स तक
उसको कितना भी उप्पर उठा लो उसका हाट बॉक्स तक नहीं जाता.. आप hi हो जो मेरे हेल्प कर सकती हो नहीं तो मुझे बड़े साहब की दांत खाने पड़ेगे..
तुम कोई दांत खाने की नौबत नहीं आएंगे
मतलब आप तैयार है
मैंने ऐसा नहीं कहा
फिर
हम एक बार नीता को उतके देखते है
नहीं मेमसाब कुछ फायदा नहीं है उसका हाट नहीं पहूँच पायेगा
मई नहीं मानती
आप की मानाने या न मानाने से काम नहीं बनेगा. .
तब नवाज़ की तरफ देखते हुई आँखों से इशारा करते हुई कहते है..
वैसे चामरि कामचोर छमकछल्लो कहा है.. कही दिख नहीं रहे है..
ऐसा कह के आरती रूम मई चारो और देखते है
वो कचरा डालने बहार गयी है..
मतलब भाग गयी.. कामचोर..
तभी नीता बहार से अंदर आते हुई कहती है..
मई कैसे भाग सकती हु.. आपने दीदी को अकेला चोर के
फिर कहा मरने गयी थी
कचरा डस्टबिन मई डालने गयी थी.. बोलिये बात क्या है..
आपने यार से पूछ न.. देख वो क्या बोल रहा है
तब नीता नवाज़ के तरफ देखती है.. नवाज़ कुछ नहीं बोलता.. वो सोचता है.. गयी भैंस पानी मई .. मई इसको कन्विंस करने की कोशिश कर रहा था और ये मान नहीं रही है.. अब नीता के सामने तो ये कभी रेडी नहीं होंगे.. अब मई कैसे मनौ इससे.. मान जाती तो इसके बदन को चुने का मौका मिलता.. उसके गांड पाई आपने लौड़ा रगड़ देता.. इसको सडके करता.. पर अब कुछ फायदा नहीं है.. नवाज़ यही सब सोच रहा था.. उसका नीता के बात कोई ध्यान नहीं था..
और दूसरी और नवाज़ जो शांत था उसको आरती देख रही थी.. बड़ी अड्डा के साथ..
उसे लग रहा था नीता के होते हुई नवाज़ उसे कुछ नहीं कहेगा.. फास गया अब
बात क्या है दीदी जी
तेरा यार मुझसे कुछ कह रहा था
क्या कह रहे थे नवाज़ तुम दीदी जी को
कुछ नहीं कह रहा था.. तुम वो छोटा मोठा सामान वह से हटा दो पहले
कुछ नहीं.. क्या.. नवाज़ .. अभी तो कह रहे थे...
कोई उटपटांग आईडिया होगा तो नहीं कर पाउंगी
उटपटांग नहीं है.. अच्छा वाला है
उसकी और अड्डा के साथ देखते हुई कहती है..
पक्का
हाँ मेमसाब
बको
ये जो विंडो है न
उसका क्या
उसपे पाँव रख के आप उप्पर जड़ जाओ.. ऐसा लेन्टाइन को हाट पकड़ के ऊपर चढ़ जाओ..
नहीं नहीं मुझसे नहीं होगा ये
तरय तो कर लो मेमसाब
नवाज़ मई नहीं कर पाऊँगी ये
आप नहीं कर पाओगे तो ठीक है पर एक बार तरय तो कर लो
नवाज़ तुम समाज क्यों नहीं रहे हो.. मैंने इस वक़्त साडी पहनी है.. और साडी पहन के एक पाँव इस विंडो पाई और दूसरी विंडो पाई नहीं रख सकती और न hi उप्पर चढ़ सकती हु
हाँ वो बात भी सही है
मई तुम्हारी यहाँ हेल्प करने आयी हु.. और तुम हर काम मुझसे hi करवाना चाहते हो
नहीं नहीं ऐसे कोई बात नहीं है
तो फिर तुम या तुम्हारी छमकछल्लो क्यों नहीं करते
मेरा वजन ये विंडो नहीं लेगा..
और नीता का
उसका हाट वह लेन्टाइन तक नहीं जायेगा
नवाज़ की बात सुनकर आरती कहती है
तुम्हारी बात तो सही है
अभी हमारी पास वही एक ऑप्शन बचा है
मई नहीं कर सकती.. तुम्हारे छमकछल्लो से करवा लो
वही बात फिर से मेमसाब.. मई तो कह रहा हु.. उसका हाट वह तक नहीं जायेगा
तुमने उतने के बाद भी
हां मेमसाब
थोड़ा और उप्पर उठाते है.. चाहे तो इसमे मई तुम्हारी हेल्प कर लुंगी..
जिस मई हेल्प करने को बोलता हु वह आप हेल्प नहीं कर रही हो.. और यहाँ आप के हेल्प की जरुरत नहीं है वह हेल्प कर रही हो..
नहीं मेरे कहने का मतलब है हम दोनों मिलके उसे और उप्पर उठा सकते है ताकि उसका हाट पहुँच जाये बॉक्स तक
उसको कितना भी उप्पर उठा लो उसका हाट बॉक्स तक नहीं जाता.. आप hi हो जो मेरे हेल्प कर सकती हो नहीं तो मुझे बड़े साहब की दांत खाने पड़ेगे..
तुम कोई दांत खाने की नौबत नहीं आएंगे
मतलब आप तैयार है
मैंने ऐसा नहीं कहा
फिर
हम एक बार नीता को उतके देखते है
नहीं मेमसाब कुछ फायदा नहीं है उसका हाट नहीं पहूँच पायेगा
मई नहीं मानती
आप की मानाने या न मानाने से काम नहीं बनेगा. .
तब नवाज़ की तरफ देखते हुई आँखों से इशारा करते हुई कहते है..
वैसे चामरि कामचोर छमकछल्लो कहा है.. कही दिख नहीं रहे है..
ऐसा कह के आरती रूम मई चारो और देखते है
वो कचरा डालने बहार गयी है..
मतलब भाग गयी.. कामचोर..
तभी नीता बहार से अंदर आते हुई कहती है..
मई कैसे भाग सकती हु.. आपने दीदी को अकेला चोर के
फिर कहा मरने गयी थी
कचरा डस्टबिन मई डालने गयी थी.. बोलिये बात क्या है..
आपने यार से पूछ न.. देख वो क्या बोल रहा है
तब नीता नवाज़ के तरफ देखती है.. नवाज़ कुछ नहीं बोलता.. वो सोचता है.. गयी भैंस पानी मई .. मई इसको कन्विंस करने की कोशिश कर रहा था और ये मान नहीं रही है.. अब नीता के सामने तो ये कभी रेडी नहीं होंगे.. अब मई कैसे मनौ इससे.. मान जाती तो इसके बदन को चुने का मौका मिलता.. उसके गांड पाई आपने लौड़ा रगड़ देता.. इसको सडके करता.. पर अब कुछ फायदा नहीं है.. नवाज़ यही सब सोच रहा था.. उसका नीता के बात कोई ध्यान नहीं था..
और दूसरी और नवाज़ जो शांत था उसको आरती देख रही थी.. बड़ी अड्डा के साथ..
उसे लग रहा था नीता के होते हुई नवाज़ उसे कुछ नहीं कहेगा.. फास गया अब
बात क्या है दीदी जी
तेरा यार मुझसे कुछ कह रहा था
क्या कह रहे थे नवाज़ तुम दीदी जी को
कुछ नहीं कह रहा था.. तुम वो छोटा मोठा सामान वह से हटा दो पहले
कुछ नहीं.. क्या.. नवाज़ .. अभी तो कह रहे थे...