अपडेट - 2
फिर जैसे hi फातिमा आदि से छुड़वा कर खान हाउस बापिस aai...to सलमा बोल पड़ी....
सलमा - अरे fatima....itni der....kaha रह गई thi....kya आदि जी ने पकड़ लिया tha...haa..hehehe...
फातिमा- अरे नहीं malkin...meri ऐसी तकदीर kaha....wo तो खूबसूरत ायरत को hi pakdege...mujh जैसी को थोड़े hi.....
सलमा- accha.....tu बड़ा जानती है उन्हें.... किसी को पकड़ा है क्या अब tak....haa....
फातिमा- अरे नहीं malkin....par ऐसा लगता है की वो किसी को पकड़ने की फ़िराक में जरूर hai....koi gori....mast भरी हुई जिश्म की malkin....kisi ऐसी को hi पकड़ेंगे....
सलमा- और ऐसा kyo....bhari हुई hi क्यों....
फातिमा- क्योकि उनको झेलना किसी मरी हुई ायरत के बस की बात nhi...unhe तो वही ायरत झेल सकती है जो हर जगह से भरी हुई ho...tabhi उन्हें मज़ा aayga...aur उस ायरत को भी....
सलमा- तू ऐसा क्यों बोल रही hai....kuch खास देख लिया kya...kahi tune...samjh गई na....haa...
Fatima(muskura कर)- अरे कहा malkin...unka तो किस्मत वाली hi देख सकती hai.....kaash मैं आपकी तरह गोरी hoti....to सायद मेरा मौका भी बन जाता.....
ये सुन कर सलमा अंदर hi अंदर सहम सी gai....aur उसने बात पलट दी....
सलमा- अच्छा ठीक hai....ye मज़ाक छोड़ और मेरे लिए जूस बना de......chalo जाओ...
फातिमा- जी मालकिन.....
Salma(man में)- पता नहीं ये fatima.....uff.....kya-kya बोल जाती hai.....meri तरह gori...bhari hui...huh....aur आदि जी को झेल le....ye sab.....oohh..main ये क्या सोचने lagi....ya khuda....ye फातिमा को सर चढ़ाना hi नहीं चाहिए tha.....kambakht.....kuch भी बोल देती है.....
सलमा के यु hi सोचते हुए फातिमा जूस ले कर आ गई और फिर बापिस अपने काम पर लग gai.....aur जूस पिने के बाद सलमा भी अपना दिल बहलाने टीवी देखने लगी......
वही दूसरी तरफ आदि ने अपने गयम पहुंच कर किसी को कॉल kiya....aur अपने खास केबिन में बैठ कर उसका इंतज़ार करने लगा.......
आदि को इंतज़ार करते हुए 20-25 मिनट hi हुए थे की तभी केबिन का गेट खोल कर एक मस्त ायरत भीतर आई.....
वो ायरत इस वक़्त एक कैसा हुआ salwar-kameej पहने हुई thi...jisme उसके जिश्म का पूरा उभार saaf-saaf नजर आ रहा था......
ायरत- इस वक़्त क्यों bulaya....koi खास काम....
आदि- hmm..pahle गेट तो लॉक करो.....
Aourat(gata लॉक कर के)- लगता है जनाब का मूड बना हुआ hai....koi nhi....batao तो कहा आग लगी hai....main बुझा देती हु....
ये बोलते हुए ायरत आगे बड़ी और आदि की गॉड में बैठ कर उसके गले में बाहें दाल ली....
ायरत- बोलिये na.....apni इस गुलाम की याद कैसे आ गई....
Aadi(aourat की गांड सहला कर)- है कुछ खास kaam...jise तुम hi पूरा कर सकती हो....
ायरत- तो कहिये na....aapke लिए तो जान भी दे दू.....
आदि- जान नहीं chahiye.....bas काम ऐसे करना होगा की किसी को कोई शक न ho.....aur मेरा नाम तो तेरी जवान पर भी न आने पाए....
ायरत- पिछले 3 महीनों से आपकी रखेल बानी हुई hu....aaj तक कभी आपको निराश kiya...jo आज karugi....hmm...bataiye.....kya करना है....
आदि- बताता हु...
और फिर आदि उस ायरत को कुछ समझने laga....aur उसकी बात सुनते hi ायरत के चेहरे पर मुस्कान खिल गई......
ायरत- hmm..to ये बात hai....theek hai....samjho आपका काम हो gaya.....ek मिनट......
और फिर उस ायरत ने किसी को कॉल लगाया और बात करने के बाद मुस्कुरा उठी....
ायरत- लो हो gaya.....ab जो आप चाहे वो कर लेना....
आदि- क्या बात hai....tune तो दिल खुश कर diya....chal...isi बात पर तेरी मस्त चुदाई करता हु....
ायरत- वो तो करनी hi hogi.....aapko देखते hi छूट पानी छोड़ने लग जाती hai.....ab जल्दी से मुझे निचोड़ dijiye....aahh....kapde तो उतरने दो.....
और फिर आदि उस ायरत की दमदार चुदाई करने में लग गया.......
======================
यहाँ खान हाउस में साम के वक़्त सारा स्कूल से आई और कपडे बदल कर निचे आई hi thi...ki तभी उसकी अम्मी अपने रूम से बहार निकल कर आई.......
और सारा अपनी अम्मी को देख कर एकदम से चौंक gai....kyoki उसकी अम्मी सलमा पूरी तरह से एक हॉट ायरत दिख रही थी......
सलमा इस वक़्त अच्छे से तैयार हो कर आई thi....usne एक काळा रंग की कासी हुई कुर्ती और उसके साथ सफ़ेद रंग की चूड़ीदार सलवार पहनी हुई ठु.....
कुर्ती के भीतर सलमा ने अपने बड़े दूधो को काळा रंग की ब्रा से से कैसा हुआ tha.....jo इतनी कासी हुई thi...ki सलमा के दूध bade-bade खरबूजों की तरह लग रहे the....jaise की कपडे फाड़ने को तैयार hi हो....
सलमा की कुर्ती उसके पेट से पूरी तरह चिपकी हुई thi......jisse उसके पेट की बनावट भी ऊपर से hi साफ़ नजर आ रही thi...sath में नाभि की गहराई भी कुछ हद तक समझ आ hi रही थी.....
और उसके साथ सलमा ने जो चूड़ीदार सलवार पहनी हुई thi....wo तो इतनी कासी हुई थी की उसमे सलमा की moti-moti जाँघे साफ़ नजर आ रही thi....aur उसकी गांड to...uff....uski बड़ी गांड तो उभर कर बहार को निकली जा रही थी.....
कसम se...salma इस वक़्त बहुत hi मस्त लग रही thi.....aur उसके कपडे ऐसे थे की जो उसके मादक अंगो की बनावट को ठीक से छुपा नहीं प् रहे था......
ये बात पक्की thi...ki जो भी मर्द सलमा को इन कपड़ों में dekhega.....uska लुंड बिना कड़क हुए रुक नहीं पाएगा......
सलमा ने अपनी अखनो में काजल लगाया हुआ था और बालों को पूरा खोल कर सेट किया हुआ tha....jo उसके जिश्म की मादकता को कुछ जतदा hi बड़ा रहे थे......
ऊपर से सलमा से बहोत सेक्सी परफ्यूम लगाया हुआ tha.....jisse अगर कोई मर्द सलमा के पास आकर उसे एक बार सूघ le.....to वो मर्द वही उसकी कुर्ती फाड़ कर उसके पुरे जिस्म को चूमने लगे......
सारा अपनी अम्मी को इस रूप में देख कर बेहद hi हैरान थी......
Sara(man में)- ....अम्मी तो आज क़यामत ध रही hai.....uumm...kash मेरा जिश्म भी मेरी अम्मी की तरह हो jaye......kasam se....kitni कमल की लग रही है ammi.....inhe इस तरह देख कर तो कोई भी लड़का पागल हो jaaye....hmm...aur आज ये हाल hai....tab तो लगता है की निकाह के पहले तो हर लड़का मेरी अम्मी के ऊपर अपनी जान चिड़कदा hoga.....sach में बहोत hi मस्त है मेरी अम्मी.....
सलमा - क्या बात है sara.....kya सोच रही हो khadi-khadi.....
Sara(chounk कर)- huh...kya...kuch nhi.....wo ammi....aap इस वक़्त कहा जा रही हो......
सलमा - अरे haa...wo तेरी जरीना खला है na....mere बचपन की saheli....main उसके साथ बाज़ार जा रही हु.....
सारा- accha...par अचानक se...matlab जरीना खला कब aai.....aaj आई थी क्या....
सलमा- अरे nhi...wo नहीं aai.....bas अभी कुछ वक़्त पहले उसका फ़ोन आया tha....bol रही थी की कुछ जरूरी सामान लेना hai...aur कुछ कपडे bhi....to बस साथ ले जा रही है...
सारा- hmm..aur खालाजान आपके बिना कपडे तो कभी लेती nhi.....main जानती hu....theek hai....aap हो कर आइये....
सलमा- hmm...aaccha तू bta.....tere लिए कुछ लाना hai...kuch bhi...koi सामान या फिर कोई dress.....dress ले औ....
सारा- नहीं ammi....dress तो बहुत सी है मेरे paas.....aap wo...khair जाने दीजिये...
सलमा- क्या जाने du....bol na...kya चाहिए.....
Sara(hichakte हुए)- वो ammi....wo मेरी ब्रा......
सलमा- bra....to इसमें इतना सोचती क्या hai...waise तेरे पास तो बहुत सी थी na.....to फिर और क्यों chahiye.....dher लगाना है क्या....
सारा - नहीं ammi....wo ammi....wo साडी bra....saari कसने लगी है.....
सारा की बात सुन कर सलमा ने सारा के दूधो की तरफ देखा और मुस्कुरा उठी.....
सलमा - hmm...lagta है मेरी बच्ची की जवानी आ गयी hai.....haa....
Sara(sharma कर)- ammi....aap भी न.....
सलमा - are...koi बात nhi.....main ले aaungi.....aur haa....itna झिझकने की जरूरत nahi.....saaf बोल देती.....
सारा- क्या karu....mujhe समझ नहीं आया की आपसे ये बात कैसे कहु.....
सलमा- are....main तेरी अम्मी hu.....aur तू ऐसी बातें मेरे साथ नहीं करेगी तो किसके साथ karegi...haa....accha अब ये बता की साइज क्या लाना है.....
Sara(najren झुका कर)- चौंतीस....(34)
ब्रा का नंबर सुनते hi सलमा ने फिर से सारा के दूधो की तरफ देखा और मुस्कुराने lagi...aur फिर सारा को छेड़ती हुई बोली.....
सलमा- ओह ho...to मेरी बेटी अब मेरे पास तक आ गयी hai...hmm.....
ये सुन कर सारा दिल hi दिल में खुश हो gai...kyoki वो तो कबसे अपनी अम्मी को देखते हुए ये चाहती thi...ki काश उसका जिश्म भी उसकी अम्मी की तरह हो जाए......
सलमा- क्या hua....shrma gai...are इसमें शर्माना kya...dekhna....jaldi hi तू मेरे बराबर तक आ jaygi...hehe.....
Sara(man में)- ammi....barabar kya....aapki बेटी तो आपसे भी आगे जाना चाहती hai....par पता नहीं ये कब होगा...
सलमा - are...ab शर्मा chhod....aur बता की किस रंग की लौ....
सारा - hmm...ek काली और एक laal....bas...
सलमा- ठीक है मेरी जवान होती beti...hehe....main दोनों ले आउंगी......
तभी जरीना घर में दाखिल hui...aur उसके आते hi सलमा उसके गले से लग गई......
असल में जरीना और सलमा बचपन की सहेली thi......halaki जरीना थोड़े गरीब घर से thi....fir भी उसका निकाह सहर के एक अमीर घराने में हो गया tha....aur फिर सलमा भी इसी सहर में आ gai...to कुछ वक़्त की जुदाई के बाद दोनों सहेलियां फिर से मिल गई थी...
पर अब भी वो रोज नहीं मिल पति thi...kyoki उनके अपने काम the...isliye जब भी मिलती थी तो बेहद hi जोश के साथ मिलती hai.....aur जोश भी क्यों न ho.......aakhir दोनों अपने को ek-dusri की बेहेन जो मानती थी.....
जरीना दिखने में सलमा के मुक़ाबले थोड़ी सावली thi...par जिश्म के मामले में वो सलमा को तगड़ी टक्कर देती थी...
और haa...jarina निकाह के बाद से सहर में hi रही hai....aur ऊपर से एक रहीस खानदान me....to उसने सहर के मुताबिक अपने आपको बदल लिया hai....ab वो गाओं की लड़की नहीं rahi...balki बहुत स्मार्ट हो चुकी hai....ab स्मार्ट थी या shaatir....ye तो आगे hi पता चलेगा....
Khair.....jarina ने भी सलमा के माफिक एक बेहद hi कैसा हुआ salwar-kurti पहना हुआ tha....jisme उसके जुषम की बनावट साफ़ नजर आ रही थी.....
जरीना- कैसी है मेरी जान....
सलमा- मैं तो मस्त hu...tu bata....kya हाल है....
जरीना- अरे हमे kya...hum तो हर तरह से मस्त hai...hehehe....
सलमा- hehe....tu नहीं सुधरेगी....
सारा- सलाम खालाजान.....
Jarina(sara को देख कर)- अरे sara......meri bacchi....tu तो इतनी बड़ी हो gai....yaha aa....ohh...salma....sara तो अब बच्ची नहीं रही..
सलमा- chup....najar मत लगा मेरी बच्ची को....
Jarina(dheere से)- मेरी kya...zamaane की नजर लग चुकी होगी इसे....
सलमा- sshh...kuch bhi....ab chal....sara......
सारा- जी अम्मी...
सलमा- wom..main अँधेरा होने से पहले hi आ jaugi...tu फ़तिम से नास्ता ले कर खा जरूर लेना...
सारा- जी अम्मी....
फिर जरीना और सलमा कार में बैठ कर बाज़ार निकल जाती है........
जरीना - क्या बात है salma.....aaj तेरे दूध तो बहुत बड़े दिख रहे hai....tune hi किये है na....kasi हुई ब्रा पहन कर.....
सलमा- haat....mere दूध तो पहले से hi बड़े- बड़े hai.....tu बता तेरे दूध आज इतने बड़े क्यों लग रहे है.......
जरीना- kya....sach में बड़े दिख रहे hai..ya यु hi बोल रही hai....haa...
सलमा- अरे सच बोल रही hu......pahle से बड़े दिख रहे hai.....sach में....
Jarina(khush हो कर)- तो ठीक है......
सलमा- are....kya ठीक hai...bata na...ye बड़े कैसे huye...kya तेरा सौहार अब दूध ज्यादा पिने laga.....haa...
जरीना- are...kya बोल दिया tune....tu तो सब जानती hai....fir bhi...huh....usme कहा इतना डैम जो दूध पि कर बड़ा कर de....huh....
सलमा- ohh...maaf करना yaar....main तो bas....accha...to ये बड़े कैसे huye....koi कसरत करने लगी क्या....
जरीना- nhi....par....accha सच batau...par तू किसी को बताना मत...
सलमा- क्या बोल रही hai...aaj तक तेरी कोई बात किसी से कही kya....chal bol..kya बात है...
जरीना- असल me.....main खुद तुझे ये बताने को तड़प रही thi...par हिम्मत hi नहीं hui.....par आज बता hi देती hu....mere दिल को भी सुकून मिलेगा....
सलमा- dekh...ab ऐसे डरा mat...jaldi बोल की बात क्या hai....chal बता....
जरीना- असल में ये मेरे दूध मसलने और चूसने से hi बड़े हुए है.....
सलमा- वही to....par तू तो बोली की तेरे सौहार me....wo to.....to fir...kahi कोई...
Jarina(beech में)- सही सोच रही ho.....wo मेरे सौहार नहीं hai.....koi और है.....
Salma(chounk कर)- kya...matlab tu....ek गैर mard....matlab तू गैर मर्द के साथ....
जरीना- haa....aur वो भी काफी वक़्त se....mahino गुजर गए....
सलमा- ....महीनो se.....par ये हुआ kaise....aur kab...kaha...
जरीना- sshh...kitne सवाल करती hai....ruk...abhi कार चलने de.....kisi होटल पर चाय पिटे हुए बताती हु...
फिर जरीना अपनी कार एक होटल के पास रोकती है और दोनों चाय पिटे हुए बातें सुरु करती है.....
सलमा- अब बोल न.....
जरीना- hmm..to sun...tu मेरे सौहार के बारे में तो जानती hi है न....
सलमा- hmmm....fir bhi....hai तो तेरा सौहार hi...aur फिर हम निकाहि खातूनों को अपने सौहार की हो कर रहना होता hai.....kisi गैर का नहीं...
जरीना- ये कहा लिखा है की हम अयर्तों को hi चुपचाप एक सौहार के साथ रहना होता hai....aur वो souhar....wo साले एक से ज्यादा बेगमे रख le....kya ये सही है...
सलमा- अब sahi-galat मैं क्या bolu...ye तो हमारे बुजुर्ग कहते है....
जरीना- वो सब chhod....bas ये bata...ki क्या हम अयर्तों का दिल नहीं करता की कोई मर्द हमारे जिश्म को निचोड़ de...haa...tera दिल नहीं करता....
सलमा- करता hai...aur इसके लिए हमारे सौहार तो है na...wo बात अलग है की तेरे सौहार के साथ....
Jarina(beech में)- पर तेरे सौहार तो वैसे nhi....to फिर तू तो मज़े में होगी na...haa....
Salma(jhijhak कर)- aa..haa...main तो हु....
जरीना- पर मैं नहीं thi...aur मुझसे ये जवानी नहीं संभाली jati...isliye मैंने एक मर्द को सबकुछ सौंप diya....aur वो भी ऐसे मर्द ko...jo मुझे 1 घंटे तक छोड़ कर मेरा कचूमर निकाल देता है.....
Salna(hairani से)- क्या....1 घंटे तक....
जरीना- अरे है मेरी jaan...kya छोड़ते है wo....kasam se....ek तो उनका स्टेमिना और फिर उनका तगड़ा lund....uummm.....pura मोटा और बेहद lamba....jab छूट में डालते है तो पेट में महसूस होता hai....aur गांड में to....uuummmm...kasam se....maza आ जाता है.....
Salma(hairani से)- तू सच बोल रही hai....itna तगड़ा है उसका....
जरीना- है मेरी jaan.....aur उनकी बॉडी तो ऐसी है की क्या bolu....agar बाहों में कास ले तो मैं टूट कर भीकर jaau.....chouda seena...majboot baaju....aur haa...lund भी pura.......aadha nhi....samjhi....
Salma(chounk कर)- kya...matlab असली मर्द....
जरीना- है मेरी jaan....aur सच बोलती hu....gair का लुंड जो सुकून देता है na....wo हमारे वाले दे hi नहीं sakte....kabhi नहीं....
सलमा- haattt...aisa कुछ नहीं....
जरीना- सायद न ho...par मेरा खुद का तजुर्बा यही कहता hai....kya शानदार लुंड है unka...chamdi से ढाका हुआ कठोर supada...jo बाहर निकलता है न तो आँखे फटी रह जाती hai...aur उसे चूसने के लिए मेरा मुँह छोटा पड़ता hai...itna बड़ा है.....
सलना- सच me....kya उन लोगो का ऐसा hi होता है....
जरीना- है मेरी jaan.....unka चमड़ी के भीतर रहता है na...to ज्यादा तगड़ा रहता है.... मैं तो कहती हु की सबको उनसे छुड़वाना चाहिए.....
सलमा- बस भी kar....sabko अपने जैसा बनती hai...accha...wo करते क्या है....
जरीना- अब राह चलते से तो मैं ठुकवाउगि nhi....wo भी अमीर hai....ammer भी और मस्त बॉडी wale....jo ायरत को खुश करना बखूबी जानते है....
सलमा- hmm...accha....tu उनसे चुदवाती कब hai....aur कहा....
जरीना- अपने घर और उनके घर me....jab सौहार बाहर जाता है tab....ya तो वो मेरे घर आ जाते है या मैं उनके घर चली जाती हु....
सलमा- haay....par aise-kaise....kabhi किसी ने देख लिया to....aur उनके घर तुम जाती ho...to kaise...matlab लोग तो देखते होंगे न....
जरीना- अरे यही तो खास बात hai...asal में वो मेरे बाजु वाले घर में रहते hai...aur हमारे घर आपस में जुड़े हुए भी hai...to aane-jane के लिए बहार निकलना hi nhi...bas पीछे वाली बालकनी नाक कर aa-ja सकते hai....aur फिर वो मेरे सौहार के करीबी दोस्त भी हो गए hai....to उनके घर आने से किसी को कोई तकलीफ नहीं होती....
सलमा- वह re...tere तो मज़े है....
जरीना- तो तुझे किसने roka...tu भी मज़े ले le....dekh ले कोई hatta-katta असली mard.....wo तुझे बड़ा मज़ा देगा....
सलमा- haatt...kya कुछ bhi...main बिना गैर मर्द के hi मज़े में हु....
जरीना - मज़े me...haa....accha sach-sach bata.....ki तू कितने दिनों में चुदती है......
सलमा- kya.....wo...matlab....hafte में एक बार......
Jarina(ghoor कर)- सच bol...jhooth नहीं....
सलमा- ठीक hai.....mahine में एक baar...wo भी जरूरी nhi....kabhi तो 2-3 महीने भी निकल जाते है......
जरीना- kyo....aisa क्यों....
सलमा- पता nhi....pahle तो खान साब मुझे रोज छोड़ा करते the.....par अब ऐसा लगता hai......mano उन्हें चुदाई से कोई मतलब hi नहीं raha....saayad साड़ी ख्वाहिस hi ख़तम हो गई.....
जरीना- पर तेरी ख्वाहिशो का kya...tu कुछ बोलती नहीं....
सलमा- क्या bolu.....main कहती भी हु तो कहते है की मैं आज थका हुआ hoon....mujhe सोने de....kabhi कहते की अब क्या karna....so jao...bacche बड़े हो gaye...aisa-waisa....bas कभी hi मूड बनता है तो करते hai....wo भी बस कुछ देर तक.....10 मिनट भी नहीं करते अब तो.....
जरीना - ओह ho.....fir तू कैसे रह पति है बिना लुंड ke......mujhse तो एक दिन भी नहीं रहा jata.....agar किसी दिन किसी वजह से लुंड नहीं मिलता तो साड़ी रात तड़पती रहती hu.....fir बस गाँधी फिल्म देखते हुए ऊँगली से hi तसाली करती हु.......
सलमा- गाँधी film...matlab वो वाली....
जरीना- और kya....wahi वाली...
सलमा- पर वो कहा से लती है tu.....haa...
जरीना- are...kis ज़माने में जी रही है tu....ruk...batati hu...yaha se...dekh....
फिर जरीना अपने मोबाइल में ब्लू फिल्म लगा कर सलमा के हाथ में मोबाइल दे देती है.........
फिल्म में एक निकाहि खातून अपने लिवास को कमर तक चढ़ा कर कुटिया बानी हुई थी और एक मस्त बॉडी वाला मर्द उसको dana-dan छोड़ रहा था.......
और फिर जब थोड़ी देर बाद उस मर्द ने छूट में से अपना लम्बा लुंड निकला तो सलमा की आँखे बड़ी हो गई......
सलमा- ....ये कितना तगड़ा है....
जरीना- तू आगे तो देख.....
फिर सलमा ने देखा की उस निकाहि खातून ने उस मर्द का लुंड पकड़ा और चमड़ी पीछे कर के सूपड़ा बहार निकला.....
सलमा- uummm....aise बाहर आता hai....hmm..mast....
और फिर उस ायरत ने सुपडे को मुँह में दवा कर चूसना सुरु कर diya....aur कुछ देर बाद hi उस मर्द का पूरा लुन्द्रास वो निकाहि खातून अपने हलक में जातक गई.....
सलमा- aa****hhh...pi गई...
जरीना- है मेरी jaan....in लोगो को लुंड का पानी पिलाना बहुत अच्छा लगता hai...khas कर की हम जैसो ko.....wo भी निकाहि हो और बच्चे की अम्मी ho...tab तो ये पागल रहते hai..,..aur haa...tere जैसे bade-bade दूध और उभरी गांड तो ये छोड़ते hi nhi....masal-masal कर मज़ा देते है.....
सलमा ये सब सुन कर और वो फिल्म देख कर बहुत hi गरम हो चुकी thi...par फिर भी वो जरीना के सामने अपने जज्बातों को संभाले हुए thi.....par दिल hi दिल में काफी कुछ सोच रही थी.....
उस मूवी में उस निकाहि खातून की छूट में जाता बड़ा लुंड देख कर सलमा की छूट में आग लग जाती है......
सलमा की सांस एक डैम से तेज़ हो gai........aur सलमा अपने मन में सोचने लगी....
सलमा - haaye.....kaash उस फिल्म की ायरत की जगह मैं hoti.....aur उस तगड़े मर्द के तगड़े लुंड से अपनी छूट chudwati...wo भी पुरे लिवास me....uuumm..kitna मज़ेदार नजारा hota....aur मेरी छूट की आग भी बुझ jati.....aahh...kya लुंड होता है उन मर्दो ka...saandaar.....
ये सब soch-soch कर सलमा और ज्यादा गरम हो gai.....ab उसकी छूट में जलन सी होने लगी thi...jise की एक मर्द का दमदार लुंड hi भुझे सकता tha....par afsoos....salma की किस्मत में ऐसा कोई था hi नहीं......
जरीना- अब और भी कुछ पूछना है या अब चले....
Salma(chounk कर)- huh...haa...chal...
और फिर दोनों बापिस कार में आई और आगे बाद गई.....
Khair...car आगे बढ़ते hi सलमा ने भी jaise-taise अपने आपको काबू kiya.....aur सब कुछ भूलने के लिए कार का तप ों कर के गण बजा दिया......
गाने सुनते हुए सलमा नार्मल तो नजर आ रही thi....par उसके दिल और दिमाग में एक तूफ़ान उठ चूका था....
अब ये तूफ़ान सलमा को कहा से कहा ले jayga....ye तो आने वाला वक़्त hi बताएगा....
नोट - उपदटेस पोस्टेड frnds.....hope ु लिखे आईटी.....
थैंक्स फ्रेंड्स....
कीप रीडिंग......