अगले दिन सुबह मुझे मम्मी ने उठाया और बोली ,-- बीटा उठ जा जल्दी से फिर हमें रजिस्ट्री करवाने चलना ह.
मेने घडी में टाइम देखा और बोलै ,-- मेरा क्या काम ह मम्मी रजिस्ट्री में. आप डैड के साथ जाकर रजिस्ट्री करवा लेना क्योंकि माकन आपके नाम होना ह. मुझे कॉलेज जाना ह .
मम्मी पलंग से उठने लगी तो मेने उनका हाथ पकड़कर बिठाया और कहा ,-- डैड उठ गए क्या.
मम्मी ,-- नहीं उन्हें hi उठाने जा रही हूँ.
मम्मी ने साड़ी पहन राखी थी और पूरी संस्कारी औरत लग रही थी . उनके चेहरे पर जबरदस्त चमक थी जो दो दिन से हुयी भरपूर चुदाई की वजह से थी.
में.,-- मम्मी वो कब गए .
मम्मी ,-- एक घंटा पहले . बस उनके जाने के बाद नहाकर तुम्हे उठाने आ गयी.
में.,-- मतलब आप सोई नहीं पूरी रात.
मम्मी,-- वो खुद भी नहीं सोये बीटा.
में.,-- बहुत प्यार किया न आपको पापा ने रात में.
मम्मी ,-- ढ़हत.... तुझे बस इसीलिए बिठाना था .
में.,-- ठीक ह जाओ . मुझे आप से बात नहीं करनी.
मम्मी ने झुक कर मेरे माथे को चूमा और बोली ,-- तू नाराज बहुत जल्दी होता ह . अच्छा जो बोलना ह बोल में नहीं जाती .
में.,-- आपको पापा से प्यार करवाने में मजा तो आ रहा ह ना.
मम्मी ,-- बेशरम, ये भी पूछने के बात ह .
में.,-- फिर रात में चीख क्यों रही थी.
मम्मी का चेहरा लाल हो गया और वो बोली, -- तेरे पापा प्यार में बहुत मस्ती करते ह.
में.,-- पर मम्मी आप इतने दिनों से पहले डैड से प्यार करवाती रही फिर पापा से फिर भी आपकी चीख निकल जाती ह. सोनाक्षी दीदी कभी इतनी जोर से नहीं चीखती थी.
मम्मी ,-- तेरे पापा बहुत जोर से प्यार करते ह .
में.,-- आपको जोर से प्यार करवाने में बहुत दर्द होता होगा फिर.
मम्मी ,-- बीटा , प्यार में दर्द भी सहना पड़ता ह .
में.,-- ठीक ह में पापा को बोल दूंगा की मेरी मम्मी को जोर से प्यार नहीं करे.
मम्मी ,-- तू कुछ नहीं बोलेगा उसमे.
में.,-- नहीं बोलूंगा तो पापा फिर आपको दर्द देंगे.
मम्मी ,-- बीटा मुझे आदत ह ऐसे प्यार की और मेरी चीख में दर्द काम मज़ा ज्यादा होता ह .
में.,-- वैसे आज आज की hi बात ह मम्मी .कल से आप दिन रात पापा से प्यार करवाना. आपको फिर पूरी आज़ादी रहेगी.
मम्मी जल्दी से उठकर बहार भाग गयी तो में भी तैयार हुआ और डैड के साथ नास्ता करने लगा तो डैड ने मुझे कॉलेज से छूती के बाद फ़ोन करने को कहा.
में दिन भर कॉलेज में पढ़ने के बाद पापा को फ़ोन किया तो पापा बोले की अभी रजिस्ट्री नहीं हुयी ह और तू भी आ जा.
में रजिस्ट्री ऑफिस पहुंचा तो शाम में पांच बजे रजिस्ट्री कम्पलीट हुयी और हम तीनो नया घर देखने पहुंचे जो बाहर से बंद था . बाहर से माकन देखकर हम ब्रोकर के ऑफिस गए और माकन की चाबी ली तो सात बज गए और हमने खाना खाया .
खाना कहते समय डैड बोले ,-- बीटा वैसे तो घर हमने फर्नीचर सहित ख़रीदा ह . तू टाइम मिले तब जाकर सोभा के साथ देख लेना और कुछ कमी हो तो मम्मी से पैसे लेकर खरीद लेना.
में.,-- जी डैड.
डैड ,-- बीटा मुझे स्टेशन छोड़ दे में किसी ट्रैन से निकल जाऊंगा .
में.,-- नहीं डैड बिना टिकट रात में आप परेशां होंगे . में अभी चेक करके कल सुबह की ट्रैन की टिकट निकल दूंगा.
डैड ,-- ठीक ह . में तुझे ब्रोकर का नंबर भेज दिया हूँ .उस से बात करके तू माकन मालिक के नौकर से बात कर लेना वो तुम्हे माकन दिखा देगा अंदर से .मेने और सोभा ने सुबह देख लिया ह.
में.,-- जी डैड .
उसके बाद हम फ्लैट पर आये तो डैड बोले ,-- सोभा मुझे नींद आ रही ह . में बहुत थक गया हु . रोहित तू टिकट बना देना.
मम्मी ,-- में बस आपका दूध लेकर आयी .
मम्मी किचन में चली गयी तो में भी उनके पीछे किचन में चला गया और बोलै ,-- बहुत जल्दी ह आपको डैड को सुलाने की.
मम्मी मुस्करा कर ,-- अब उन्हें सोना ह तो में क्या करूँ .
में.,-- आप ये टेबलेट उनके दूध में मिला दो फिर .
मम्मी ने मुस्करा कर टेबलेट ली और दूध में मिला दी तो में बोलै ,-- में पापा को लेकर आता हूँ एक घंटे बाद. आप उनके लिए कोई सेक्सी सी मॉडर्न ड्रेस पहन कर तैयार रहना.
मम्मी मुस्करा कर लज्जा गयी तो मेने कहा ,-- लेकर आऊं की नहीं
मम्मी,-- तेरी मर्जी.
में.,-- ठीक ह फिर रहने दो . आज आप भी थक गयी होंगी.
मम्मी ,-- चुपचाप जा, पापा मुझे प्यार करेंगे तो थकान उतर जाएगी.
में.,-- आप तैयार हो रही हो न सेक्सी ड्रेस पहनकर.
मम्मी ,-- तू जाता ह की नहीं.
में फ्लैट से निकलकर ऊपर आया और फिर चाचू की बेल्ल बजे तो चाचू बोले,-- गया क्या ठाकुर.
में.,-- नहीं सुबह जायेंगे . वो क्या ह की रजिस्ट्री में लेट हो गया और फिर माकन देखने चले गए.
चाचू ,-- फिर क्या प्रोग्राम बना.
में.,-- आप की बीबी आपको एक घंटे में बुलाई ह .
चाचू ,-- इतना जल्दी .
में.,-- हाँ वो डैड को थकान हो रही थी इसलिए उन्हें मम्मी ने दूध में नींद की गोली मिलकर दे दी तो शायद पि कर सो भी गए होंगे.
चाचू ,-- फिर एक घंटा क्यों.
में.,-- बड़ी जल्दी हो रही ह दोनों को.
चाचू ,-- क्या मतलब.
में.,-- उधर मम्मी भी छोड़ने को बेकरार ह और आप भी जल्दी कर रहे ह.
चाचू ,-- तुम्हे सोभा ने भेजा ह मुझे बुलाने को .
में.,-- यही समझ लीजिये .
चाचू ,-- तो फिर एक घंटे का क्या तुक हुआ.
में.,-- होगा उसे कोई काम . या तो झांट वगैरह साफ़ करनी होगी.
चाचू ,-- वो तो परसों hi की थी.
में.,-- तो फिर नाहा कर आपके लिए सेक्सी ड्रेस पहनकर सजने सँवारने में टाइम लगेगा .इसलिए एक घंटा बोली होगी.
चाचू ,-- सोभा को सजने का बहुत शोक ह.
में.,-- जितना ज्यादा सजेगी उतना ज्यादा बजेगी क्यों.
चाचू ,-- हम्म.
तभी चाचू का फ़ोन बजा तो उन्होंने फ़ोन उठाकर स्पीकर पर कर दिया.
चाचू ,-- हेलो
फ़ोन से ,-- कैसा चल रहा ह मामू हनीमून.
चाचू ,-- मस्त , तू बता.
फ़ोन से ,-- बस लोंड़िया तैयार हो रही ह धीरे धीरे .
चाचू ,-- उसे शक तो नहीं हो रहा ना.
फ़ोन से, -- नहीं मामू पर उसको रोहित से औरत क्यों बनवा रहे हो आप खुद क्यों नहीं बनाते .
चाचू ,-- वो अभी बच्ची ह और मुझे तेरे जैसी रंडियां छोड़ने में मज़ा आता ह और फिर रोहित भी तो अपनी माँ बहन को मेरे से छुड़वाने में मदद कर रहा ह. तो उसे भी रुखसार की सील तोड़ने का हके ह.
मेने जब ये सुना तो में समझ गया की ये नाजनीन दीदी ह .इस से पहले में बहुत से किरदार गेस कर रहा था.
नाजनीन दीदी,-- हाँ ये तो ह उसने सोना को पूरी औरत बनवाकर प्रेग्नेंट भी करवा दिया.
चाचू ,-- तभी तो , और फिर रोहित मेरा hi खून ह पराया तो ह नहीं. दोनों बाप बेटे मिलकर ऐश करेंगे.
नाजनीन दीदी,-- मेने आपको फ़ोन इसलिए किया था की ठाकुर अंकल भी दिल्ली गए ह.
चाचू ,-- हाँ , पर उसके आने से हमारे हनीमून में कोई दिक्कत नहीं ह.
नाजनीन दीदी,-- वो कैसे.
चाचू, -- रोहित की मदद से रात भर सोभा चुदती ह . में अभी उसे छोड़ने जा रहा हूँ .बाद में बात करूँगा.
चाचू ने फ़ोन कटा और बोले ,-- नाजनीन तेरे लिए रुखसार को तैयार कर रही ह.
में.,-- कैसे
चाचू ,- उसे नंगी किताबे और ब्लू फिल्म दिखाकर ट्रेंड कर रही ह ताकि तुझे छोड़ने में ज्यादा दिक्कत नहीं हो.
में.,-- पर आप साथ हो तो दिक्कत कैसी.
चाचू ,-- यार में उसे थोड़ी बोलूंगा की जा बेटी रोहित से छुड़वा के आ. उसे तुझे पहली बार या तो प्यार से जबरदस्ती भी छोड़ना पद सकता ह.
चाचू की बात सुनकर मेरा लुंड तन चूका था .फिर चाचू बोले,-- चल मेरे लोडे पर ये तेल लगा दे ताकि तेरी मम्मी को जैम कर छोडूं.
चाचू ने अपनी लुंगी ऊपर की और अपना लोढ़ा बाहर कर दिया तो मेने बोतल से तेल हथेली में लेकर लुंड की मसाज शुरू कर दी. कुछ देर में चाचू का लोढ़ा पूरा सख्त हो गया .
मेने घडी की तरफ देखा तो एक घंटा हो चूका था इसलिए मेने कहा ,-- पापा एक घंटा हो गया .
तभी मेरा फ़ोन बजा और फ़ोन पर मम्मी बोली, -- रोहित आ जा .
में.,-- हाँ मम्मी आ रहा हूँ.
मम्मी ,-- अकेले आ रहा ह या वो भी ह.
में.,-- आपके वो भी साथ hi ह . आप तैयार हो गयी क्या.
मम्मी, -- हम्म.
में.,-- ठीक ह आ रहा हूँ.
मेने फ़ोन कटा और चाचू को बोलै की चलो आपकी रखेल आपका इन्तजार कर रही ह छोड़ने को.
मेरी बात सुनकर चाचू मुस्करा दिए और फिर हम फ्लैट बंद करके सीधी उतरने लगे.
तो बे कॉन्टिनोएड...