Parivar se nafrat fir pyaar - Page 9 - SexBaba
  • From this section you can read all the hindi sex stories in hindi font. These are collected from the various sources which make your cock rock hard in the night. All are having the collections of like maa beta, devar bhabhi, indian aunty, college girl. All these are the amazing chudai stories for you guys in these forum.

    If You are unable to access the site then try to access the site via VPN Try these are vpn App Click Here

Parivar se nafrat fir pyaar

अपडेट 69

आकाश से अब सेक्स न मिल पाने से वो बहुत बेचैन था वही सुलोचना भी आकाश मैं अब सुधर देख रही थी

ऐसे दिन बिटने लगे और 2 मंथ बिट गए

अभी सुबह का वक़त था और सुलोचना सविता के साथ नास्ता तैयार कर रही थी

और मनोज सो रहा था सुमि और मेघा गौसाल गयी थी दूध निकलने

और वो भी आजाती है

सुलोचना : अरे मेघा जा जरा जाकर हमारे साहब जड़ो को उठा दो

मेघा : अभी लो भाभी

अभी ये दोनों बात कर hi रहे थे की मनोज निचे आया जो अभी छोटा था

मनोज : माँ मुझे भूख लगी है नास्ता दोना जल्दी

सुलोचना : अरे बस अभी लो

यहाँ मेघा आकाश के रूम मैं जाती है वह देखती है की आकाश सोया हुवा है

वो उसे जगाने लगती है पर आकाश जग hi नहीं रहा था पर जैसे hi मेघा ने कम्बल हटाया और आकाश को हिलाया तब उसे पता चला की आकाश बीमार है

मेघा : हे भगवान भाभी जल्दी यहाँ आईये देखिये आकाश को बुखार चढ़ा हुवा हैजल्दी

सुलोचना जल्दी से सरे काम छोड़ कर ऊपर जाती है क्यों की मेघा की चीख hi इतनी जोरदार थी

सुलोचना : बीटा उठ क्या हुवा तुझे बीटा उठा जा आकाश बीटा उठना देख मैंने तुझे मुझसे बात करने केलिए मन किया था न बीटा मुझे माफ़ करदे प्लीज आकाश उठ जा देख तुमदोनो केलिए hi तो मैं जी रही हु उठ जा बीटा देख अपनी इस माँ को और मत रुला

सविता : भाभी मैं अभी डॉक्टर को बुलाके लती हु

फिर थोड़ी hi देर मैं एक डॉक्टर ाजते है

और आकाश को चेक उप करते है

डॉक्टर : देखिये सुलोचना जी मैंने आकाश बाबा को चेक करलिया है पर अभी उनका सरीर मैं बुखार जैसी गर्मी जरूर है पर वो किसी और चीज़ से बेहोश हुवा है

सुलोचना : किस्से ये बशोष हुवा है डॉक्टर

डॉ : क्या पहले आकाश के किसी के साथ जिस्मानी सम्बन्ध थे क्यों ये गर्मी उत्तेजना की है

सुलोचना : है डॉक्टर ये पहले वो सब करता था लेकिन इससे पिछले तीन महीने से वो सब बांध करदिया है

डॉक्टर : हम्म शायद इसीलिए इसके साथ ये सब हुवा क्यों की उसने अगर ये सब धीमे धीमे बढ़ किया होता तो शायद ऐसा न होता पर आकाश ने ये सब एक झटके मैं ख़तम करदिया इसी लिए ये सब हुवा

सुलोचना : तो अब हम क्या करे डॉक्टर

डॉक्टर : देखिये सुलोचना जी बुरा मत मन्ना पर आपका बीटा बहुत ज्यादा सेक्सुअलिय एक्टिव था इसी लिए अब इसे आपको वो सब करने की छूट देनी होगी नहीं तो इसके साथ ऐसा hi होता रहेगा या तो फिर इसकी शादी करवा दीजिये अब मैं आपसे विदा लेता हु

फिर डॉक्टर चला गया

और पीछे परेशा नई चोरर गया

सुलोचना :: अब मैं क्या करू कैसे इसको उन कामिनियों के बीच मैं चोर दू

सविता : भाभी सब ठीक होजायेगा आप चिंता न करे

सुलोचना : कैसे चिंता न कृ सविता ये 12 साल का था जब इन्होने (आकाश के फादर) मेरा साथ चोरर दिया और चला बेस उसके बाद इनको बहुत म्हणत से पला है

सविता : सांत होजाईये भाभी सब ठीक होगा

ऐसे hi दो पहर होजाती है सुलोचना अपने रूम मैं कुछ सोच रही थी वो बहुत hi गहरी सोच मैं डूबी हुयी थी

तभी उसके रूम मैं सविता मेघा और सुमि और मोहन आजाते है

सुमि : काकी आप चिंता मत करिये मेरे पास एक रास्ता है मैंने ये रास्ता पापा को बताया उन्होंने भी ये मंजूर करलिया

सुलोचना : क्या सुमि बीटा आखिर क्या रास्ता है

सविता : भाभी अगर आप बुरा न मने तो मैं मेघा और सुमि अपना जिस्म देने को तैयार है

सुलोचना : ये क्या बोल रही हो आखिर तुम कैसे तुम भले hi मेरी सगी न सही पर मैंने डिल से तुम्हे बेहेन मेघा को ननद और सुमि को बेटी मन है आखिर ये कैसे हो सकता है और जरा सोचो मोहन पर क्या बीतेगी

मोहन : एहि ठीक है भाभी आकाश को बचाना है तो हमे ये करना hi पड़ेगा रही बात मेरी तो जब मालिक का एक्सीडेंट हुवा था तब मं कार मैं उनके साथ hi था वो तो नहीं बचे पर मेरी वो जगह कार से टकराने से उस जगु पर गहरी चोट आयी है जो अब कभी ठीक नहीं हो सकती और मेरे वजह से सविता ने और मेघा ने अपने अरमानो को अपने उमडेर दवा दिया पर इससे उनकी भी जिस्म की भूख सांत होजायेगी प्लीज भाभी मुझे ये करने दीजिये मालिक के ऐहसानो के सामने तो ये कुछ भी नहीं

सुलोचना कुछ सोच के : ठीक है पर सबसे पहले मैं अपने बेटे को अपना जिस्म दूंगी अगर तुम अपने मुँह बोले बेटे केलिए इतना कर सकते हो तो क्या मैं उसकी सगी माँ होकर नहीं कर सकती पर ये बात

Mohan(beech में) : जान दे दूंगा पर ये बात कभी किसी को पता नहीं चलने दूंगा

ऐसे hi रात होगयी रात को सब खाना कहते है आकाश को उसके रूम मैं सुमि खाना खिला रही थी कटु की उसे थोड़ी वीकनेस थी

उसके बात सुलोचना अपने कमरे मैं जाती है और ा छे से नहाती है फिर अपने बालो मैं तेल से मालिश करती है और अपने बालो को गोल आकर मैं बांधती है ( जैसे नार्मल गौण की एयरटे बांधती है)

वैसे जिस्म की भूख तो सुलोचना को भी थी और ये एक तरह से उसकी मुराद पूरी हो रही थी उसने सोचा जब वो सब करना hi है तो क्यों न ा छे से किया जाये

उसने अलमारी खोली और उसमे से लाल रंग का घागरा और ब्लाउज निकला और उसे पेहेन लिया और होठो पर लाल कलर की लिपस्टिक लागली और माथे पर एक मध्यम साइज की लाल बिंदी लगायी और हाथों मैं लाल रंग की चिड़िया दाल ली और फिर वो आकाश के रूम मैं गयी जहा आकाश अभी लेता हुवा था पर वो जग रहा था अचानक अपनी माँ का ऐसा रूप देख कर शॉक होगया था

आकाश को आज पहली बार अपनी माको देख कर सेक्स की िक्षा जाग ने लगी थी

आकाश : माँ आप यहाँ ऐसे

सुलोचना :है क्यों की अब तुझे बहार जाने तो नहीं दे सकती उन कल्मुहिओ के साथ और नहीं मैं तुझे इस हालत मैं देख सकती हु इसी लिए मैं तेरे साथ वो सब कुछ करुँगी और तू कुछ नहीं बोलेगा

आकाश : पर आप मेरी माँ है मैं कैसे आपके साथ वो सब कैसे

सुलोचना : देख बीटा मेरी भी कुछ जरूरते है जो तेरे पापा के जाने के बाद पूरी नहीं होसकती थी पर अब समय आगया है की मैं भी थोड़ी जिंदगी के माझे लू आखिर इतना मस्त जवान बीटा है मेरा क्यों मैं तुझे अच्छी नहीं लगती

.

आकाश : नहीं माँ ऐसी बात नहीं है आप मेरी माँ हिज मैंने आपके बारे मैं ऐसा कभी सोचा hi नहीं

सुलोचना आकाश के लुंड पर हाथ फेर कर

सुलोचना : पर तेरा छोटा सिपाही तो कुछ और hi कह रहा है

सुलोचना आकाश के दोनों पेरो के पास आयी और पलटी मर कर बैठ गयी और आकाश के दोनों पेरी को अपनी कमर के साइड से आगे किये और आकाश को गोदी में लिया वैसे आकाश उस वक़त कुछ खाश लम्बा नहीं था सुलोचना ने एक डैम आकाश को अपनी बहो मैं जकड लिया और आअज आकाश ने अपनी माँ को पहली बार इतना करीब से देखा था

सुलोचना : किसी लग रही हु मेरे लुंड वाले बेटे

आकाश की नियत अब बोगद चुकी थी

आकाश : तुम बहुत प्यारी हो मेरी रंडी माँ जी करता है तुझे आज खा जाऊ

सुलोचना एक कातिल मुस्कान के साथ

सुलोचना : तो आज खा जाना और आज मुझे रंडी की तरह छोड़ना कोई रेहम नहीं मुझे आज अपने तुम्हारे साथ इस पहले मिलान को याद रखना है

आकाश : जरूर मेरी रांड आअह्ह्ह

आकाश बोलहि रहा था की सुलोचना ने उसके लैंड पर हाथ फेर दिया और उसने आकाश के सॉर्ट के बुतों खोल्दिया और आकाश जो की अंडरवेर मैं था उसे भी उतर दिया

सुलोचना : पर सब से पहले ये सिधुर को मेरी मांग मैं भर के मुझे सुहागन करदे मैं आज अपने बेटे की सुहागन बन कर रंडी की तरह छोड़ना चाहती हु

फिर आकाश ने चुटकी मैं सिधुर लेकर सुलो चना की मांग भरी

और मांग भरने से जो सुलोचना रेड कलर के देसी ऑउटफिर मैं कातिल लग रही थी वही अब केहर ध रही थी

फिर आकाश बिना देर किये सुलोचना को हर जगह चूमने लगता है

काफी देर चूमने के बाद आकाश सुलोचना को देखता है तो उसकी आखों मैं देर सारा सेक्स का नशा भरा हुवा था

( यहाँ ये बाटाडू की उस टाइम पर किश का फैशन नहीं था)

सुलोचना : मेरे रंडी के बेटे अब मुझे जरा अपने लुंड का पान कर ने दे

आकाश : ये ले चूसले मेरी रांड फिर इससे तेरी छूट को छोडूंगा फिर हो सकता है इससे मैं अपनी एक भाई या बेहेन भी निकलू

सुलोचना लुंड चूसते हुए

: तो निकल लेना कब मेने मन किया मुझे बस एक रांड की तरहक होड़ दाल

ये बोल फिर से आकाश का लुंड मुँह मैं भर लेती है

आकाश लुंड भी काम नहीं था आखिर अंकित का बाप था तो उसे अपना लुंड तो बाप से विरासत मैं मिला है ऐसा कह सकते है आकाश लुंड 7 इंच का था पर अंकित से छोटा था

सुलोचना : चल अब मेरी छूट फाड़ दे मेरे चूतिये बेटे

और सुलोचना सीधी लेट गयी

और ट्रेडिशनल मशीनरी पोसिसों मैं

और आकषण3 लूसकी काली छूट पर न लुंड सेट किया और एक जोरदार झटका दिया

सुलोचना : आअह्ह्ह कमीने रण्डिके जाने एक बार मैं क्यों पेल दिया

आकाश : चुप कर रांड चुप चाप चुद टी रह मेरे बाप से कितनी बार चूड़ी होगी फिर भी नाटक एले

और आकाश उसे जोरदार धक्को के साथ छोड़ने लगा

सुलोचना : छोड़ और जोर से छोड़ मेरे लात अपनी इस माँ को छोड़ कार मादरचोद मांजा जोड़ भड़वे चोर और जोरसे आह्हः आअह्ह्ह आअह्ह्ह है दिया इतना मोटा है तेरा आअह्ह्ह

आकाश : है एले रंडी एले ाःह आह्हः रैंड ये ले तेरी छूट तो बहुत गरम और टाइट है आअह्ह्ह जल्दी hi तेरी इस गांड को खोलूंगा

सुलोचना और आकाश ऐसे hi 30 मं तक एक दूसरे को गालिओ के साथ अपने जिस्म की आएगग बजाते है फिर आकाश जड़ने वाला होता है

वो अपनी पूरी ताक़त से धक्के दे रहा था

आकाश : मेरी रंडी माँ मैं आज्ञा आअह्ह्ह्हह

और आकाश ने अपनी माँ की hi गॉड भर दी अपने वीरा से आकाश ने जब सुलोचना की छूट से अपना लुंड निकला तो उसमे से आकाश का लुंड रास निकलने लगा आकाश एक बार मैं अंकित से भी ज्यादा वीरा निकलता था

फिर ऐसे hi आकाश और सुलोचना ने पूरी रात मस्ती की आकाश कभी सुलोचना के बूब्स को खींचता तो कभी जोरसे दबा देता पर दोनों ने उस रात एक दूसरे के साथ खूब मजे किये और एक दूसरे को खूब गालिया दी और सेक्स का भर पुर आन्दद लिया

अब देखते है मनोज का कब नंबर लगता है

उपदटेस पोस्टेड मेरे भाईलोग

ी होप यू लिखे आईटी

सीयो सून

ब्बये
 
अपडेट 70

यहाँ सुबह का वक़त था मोहन खेत मैं गया था सविता सुमि और मेघा और मनोज सो रहे थे क्यों की सुलोचना ने पहले hi सब को बोल दिया था क्यों आज संडे था तो उनको देर से उठने को बोलै था

इसी लिए अभी सब लोग सो रहे थे

पर आकाश के रूम के अटैच्ड बाथरूम मैं अलग hi सीन चल रहा है

इस वक़त सुलोचना के बालखुले हुए है बाथरूम मैं और ब्लाउज एक कोने मैं पड़ा हुवा था और घागरा भी दुरी साइड पड़ा हुवा था और अभी वो दीवार से टेक लेकर कड़ी हुयी थी

और उसकी एक तंग को आकाश अपने कंधे पर टिका कर जोर जोर से धक्के मर रहा था

और सुलोचना आकाश की छाती पारा पने हाथ फेर रही थी और कुछ hi धक्को मैं आकाश जड़ गया और अपने वीर्य से अपनी माँ के पेट पर चोर दिया

दोहो hi हाफ रहे थे जब सुलोचना ने नल चालू किया तो आकाश ने उसे रोक दिया

आकाश : माँ आज पानी से नहीं अपने बेटे से वीर्य से नहाना है

सुलोचना : मैं तो तैयार हु पर तू hi बाटे कर रहा है ला अपना लुंड इसे खड़ा करती हु

आकाश : जरा रुको माँ जोड़ा सास l3ne दो तब तक आप थोड़ा आराम करलो

फ िर दोनों hi थोड़ी देर बाथ रूम मैं hi आराम करते है फिर आकाश अपना लुंड अपनी माँ के तरफ बाधकता है और सुलोचना उसे मुँह मैं भर लेती है चूसने लग टी है

वो अभी चूस hi रही थी की आकाश को बहुत hi तेज मूत आयी और सोचने का टाइम hi नहीं मिलता तो उसे मूतना शुरू करदिया पर सुलोचना ने चुसंक नहीं रोका उसने आधे से ज्यादा को अपने हलक से उतर लिया पर जब आकाश को पता चला तो उसे कुछ और सुजा और उसने अपने मूत की धार से सुलोचना पर डालना सुरु किया

और सुलोचना भी हस्ते हुए अपने बेटे के मूत से नाहा ने लगी ये अनु भाव दोनों केलिए hi बेहद नया था और मज़ेदार था

फिर आकाश का लुंड खड़ा हुवा और उसने कहा

आकाश : माँ अब जल्दी से चित को खोलो अपनी ये छूट का कला रंग मुझे पागल कर रहा है

सुलोचना : अभी ले बीटा मैं तो कब से तैयार हु

फिर से आकाश ने सुलोचना न की छूट मैं लुंड उतर दिया और भाड़ा भाड़ छोड़ने लगा और इस बार 20 मं मैं hi दोनों का काम तमाम होगया

फिर दोनों ने साथ मैं नहाया और सुलोचना ने आकाश को आज फिर नहलाया

और दोनों बहार आगये सुलोचना अपने कमरे मैं चले गयी और आकाश को बीएड पर लेटते hi नींद लग गयी पर अभी 8 hi बजे थे की उनके घर की बेल बजी और सविता ने दूर खोला तो सामने सुलोचना का भाई सुरेश खड़ा था

सविता : अरे भैया आप

सुरेश : है नमस्ते किसी हो बहिन और हमारी भेना कहा है

सविता : अरे आईये आईये नमस्ते और भाभी तो ऊपर होंगी अपने कमरे मैं रुकिए मैं बुलाती हु

फिर सविता सुलोचना को बुलाती है

सुलोचना अपने छोटे भाई के गले लग जाती है

सुलोचना : अरे भाई तूने बताया नहीं की तू आ रहा है बोलना था न थोड़ी तैयारी करके रखती और घर में सब कैसे है

सुरेश : सब लोग ठीक है और मेरा hi या अचानक आना हुवा मैं यहाँ गौण मैं शादी मैं आया था और आज लौट रहा था तो सोचा मिलता चालू

सुलोचना : ये तो अच्छा किया आप बस थोड़ी देर रुकिए मैं अभी नास्ता बना देती हु आप आज यही रुकेंगे ठीके है

सुरेश : अरे दीदी मैं नहीं रुक सकता कल खेत मैं फसल निकली जाएगी तो मुझे अभी जाना होगा और तूने कहा है तो नास्ता करके जाऊंगा और अगली बार पक्का रुकूंगा बस

सुलोचना : तू हर बार यही केता है भाई पर अगली बार एक नहीं सुनूंगी

सुरेश : वो सब तो ठीक है दीदी हमारे भांजे कहा पर है

सुलोचना : अरे वो सो रहे है आज संडे है न इसी लिए

थोड़ी देर बाद आकाश और मनोज निचे आजाते है और फिर सब बैठ के नास्ता करते है नाश्ते के बाद सुरेश जाने वाला होता है की मनोज उसके साथ जाने की जिद्द करने लगता हुआ

मनोज : माँ प्लीज मुझे मां के साथ जाना है कितने दिन होगये है प्लीज मुझे जाने दोना

सुलोचना : नहीं हम वैसे भी थोड़े दिन बाद जायेंगे मां की बेटी की शादी मैं

मनोज : नहीं माँ मुझे आज hi जाना है आप भैया के साथ आजा प्लीज मुझे आज hi जाना है

सुरेश : दीदी आने दोना मनोज की बहुत मैं है और वैसे भी अगले हफ्ते की एन्ड मई hi शादी है ज्यादा टाइम भी नहीं है

सुलोचना : अच्छा ठीक है पर वह कोई शैतानी मत करना

फिर सुलोचना मनोज को रेदय करती है और सुरेश मनोज को लेकर निकल जाता है

अब घर मैं बचे थे सुलोचना सुमि मेघा सविता और आकाश क्यों की मोहन भी खेत गया था क्यों की आज आकाश के खेतो मैं भी फसल निकलने वाली थी

फिर सुलोचना अंदर आयी और मैं दूर बांध करदिया

और उसके होठों पर एक सेक्सी मुस्कान थी वो अंदर आयी और बोली

सुलोचना : अब जब घर मैं हम सब hi है तो शर्म किसी बीटा आज मैं तुझे एक मस्ट तोहफा दूंगी

सविता मेघा और सुमि क्यों न आज हम सब घर मैं ंकज hi रहे आज के दिन हम आकाश के साथ चुद कर एक नया अनु भाव करे

आकाश ने सोचा ये माँ क्या कह रही है ये तीनो अब पता नहीं कैसे रियेक्ट करेगी लेकिन आकाश ने उन तीनो की और देखा तो शौक होगया

क्यों की तीनो hi आकाश को देख कर मुस्कुरा रही थी

सुलोचना : आकाश क्यों केसा लगा तोहफा अब तुझे उन कामिनिओ के पास जाने की जरुरत नहीं है क्यों की तेरे घर मैं hi तेरी चार रंडिया है और आज हम सब इस घर मैं नंगे hi रहेंगे तेरा जबाब भी मन हो तू किसी को भी किसिस भी वक़त छोड़ सकता है कोई तुझे कुछ नहीं बोलेगा

आकाश : आपका सुक्रिया माँ ये सच में hi एक नया अनुभव होगा

सुलोचना : सब से पहले यहाँ आके हमे पूरी तरह नंगा करदे फिर हम तुझे नंगा करेंगे

आकाश सबसे पहले hi सुलोचना के पास गया और पहले उसकी सारे खोली और उसका पल्लू गिरा दिया और सरे को निकल दिया और आकाश ने पहले सुलोचना के भरी ूरोज़ो को थम कर एक बार जोरसे डाबडिया और सुलोचना के साथ ये होता देख बाकि तीनो के सरीर मैं भी सिहरन दौड़ गयी

फिर आकाश ने बड़ी hi जल्दी से सुलोचना का बलयश खोला और उसके दोनों पपीता को आज़ाद किया फिर उसके दोनों ूरोज़ो के बिच एक बार अपनी जीभ से चाट लिया और फिर आकाश ने उसके पेटीकोट के नदी कोई खोला और उसकी राशि चोरडी जिससे पेटीकोट निचे सरक गया और फिर सुलोचना की चड्डी भी निचे सरला दी सुलोचना के डार्क ब्रॉउन निप्पल्स और उसी रंग की काली छूट दोनों hi सुलोचना को निखरा हुवा बता रहे थे

अब आकाश सुमि के पास गया और उसकी सारी खोली और फिर उसके ब्लाउज को खोला फिर उसे भी शामे तरीके से नंगा करदिया मेघा को भी वैसे hi नंगा किया और अब सविता की बरी थी

आकाश सविता के पास गया और उसे भी वैसे hi खोला नंगा किया सविता हलकी सावली थी पर नैन नक्श बहुत hi ज्यादा तीखे आकाश ने जैसे सविता के पेटीकोट के नारे को खोल कर खींचा और उसकी चड्डी भी सरका दी और आकाश ने एक बार सविता की छूट पर अपना हाथ की दो उंगलिओ से रगड़ा आकाश को पता चल चूका था ये चारो की बत्ती जैसी छूट है चारो की चारो बहुत hi ज्यादा गरम है

अब देखना ये है की आकाश की रससलीला किसी होती है इन चारो के साथ

नेक्स्ट अपडेट पोस्टेड दोस्तों

ी होप यू लिखे आईटी

सी यू सून

ब्बये
 
. अभी तू स्कूल में है.. उसके हिसाब से सही लिखा है.. कंटिन्यू..

बीआरओ देखिये मैं आपसे रेस्पेक्ट से बात कर रहहु तो आप भी वैसे hi कीजिये और अगर आपको मेरी स्टोरी से प्रॉब्लम है तो मत पढ़िए ऐसे बेफालतू के कमेंट न करिये आप के आलावा बोहोत से रीडर्स है जो मृ स्टोरी पसंद करते है

प्लीज ऐसे डिमोटिवेट मत करिये
 
अपडेट 71

यहाँ आकाश के घर में सब लोग नग्गे खड़े थे फिर आकाश जेक सविता की और मेघा की छूट को रगड़ ने लगता है

आकाश : आठ सविता काकी आपकी छूट तो काफी गरम लगती है बिलकुल बत्ती की तरह

गरम है कोई नहीं आज साडी गर्मी निकल दूंगा

सविता : तो निकल दे बीटा देखती हु कितना दम है तुझमे

सुलोचना : अरे सविता डैम की बात मत करो आकाश तुम्हारी छूट का भोसड़ा बना सकता है

सविता : सच में तो बीटा सुरु होजा

आकाश : वो तो करूँगा hi पर पहले जरा आपको और गरम तो करदु

सुलोचना : बीटा एक काम करते है मेरे रूम मैं चलते है वह बिस्टेर भी बड़ा है हम आराम से कर सकते है

फिर ये सब सुलोचना के रूम मैं गए

आकाश : पहले आप सब बीएड पर सीधी लेट जाये अपनी टंगे फैला कर

सब को लगा की अब आकाश क्या करना कहता है पर सब लेट गए

फिर आकाश सब से पहले मेघा के पास आया और जोर से एक बार छूट की खुशबु ली और आकाश पागल होगया

आकाश ने अपना मुँह सीधा मेघा की ब्राउन छूट पर लगा दिया और जीब से चाट ने लगा

और मेघा को परम सुख की प्राप्ति हुयी

मेघा : आकाश ये क्या कर रहा है इस जगह को क्यों चाट रहा है ये गन्दी है

आकाश : ूउम्मम्म नहीं मेघा बुआ सेक्स में कोई चीज़ गन्दी नहीं होती

और मेने सेक्स वाली फिल्म मैं देखा है ये सब आपको अच्छा नहीं लगा क्या

मेघा : आअह्ह्ह अच्छा लग पर वो गन्दी जगह है

आकाश : अरे कुछ गन्दी नहीं है अमूझे ये पसंद आयी अब जरा सविता काकी की भी चख लू

फिर आकाश ने सविता की छूट पर मुँह लग दिया और चूसने लगा और चाटने लगा

सविता : आठ बीटा ऊह्ह्हकया कर रहा है आअह्ह्ह ऐसा मज़ा तो मुझे कभी नहीं आया आअह्ह्ह ोुह्ह्ह मुझे ऐसा लगता है मैं मूतने वाली हु

आअह्ह्ह

पर सविता का मूत नहीं छूट रास निकला जो आकाश पि गया

आकाश : काकी ये मूत नहीं ये आपका रास है जैसे हम मर्दो का रास होता हैना वैसा

सविता : पता नहीं तेरे काका तो बस एक बार मैं पूरा दाल देते है और 3 या 4 धक्को मैं hi जड़ जाते है ये आज मेरा पहली बार जड़ना हुवा है

आकाश : कोई बात नहीं अभी तो पूरा दिन बाकि है अब जरा मैं अपनी माकी काली छूट का रास पीलू

सुलोचना : आजा बीटा दूध तो तूने पिया hi है अब छूट का रास भी पिले

फिर आकाश सुलोचना की छूट को चाटने लगता है

आकाश : सुऊरररपपपपप ूउम्मम्म सूउऊरररपपपप ूउम्मम्मम्मम्मम

वह माँ ककिसी की भी छूट चतलो पर आपके जैसा स्वाद कही नहीं मिलता ूउम्मम्म

सुलोचना : ऊम्मम तो चाट न बीटा जी भर के चाट ले आह्ह्ह्ह बीटा ूमम

सुमि कब से चलरहे कार्य क्रम को देख रही थी और फुल गरम हो रही थी ऐसा इसी लिए था क्यों की सुमि ओपन मोड तो थी पर उसने आज तक अपनी छूट को छुआ तक नहीं था अब ऐसा क्यों था वो तो किसी को पता नहीं और सुमि ज़िद्द पकड़ राखहि थी की वो शादी नहीं करेगी पर जब वो आकाश के गौण मैं आयी तब आकाश के फादर ने सबको बोल दिया की वो शादी शुदा है

अब ऐसा क्यों था वो तो किसिस को मालूम नहीं

अब सुलोचना भी जड़ने वाली थी तो उसने आकाश से बोलै

सुलोचना : बीटा जल्दी हैजा मैं जड़ने वाली हु

आकाश ने हेट के बजाये और जोरसे उसके क्लिटस को रगड़ा जिससे सुलोचना आप से बहार होगयी और आकाश के मुँह मैं जड़ गयी

सुलोचना : सच मैं तू जो भी करता है मज़ा hi आजाता है

आकाश : हम्म्म अब सुमि दीदी की बरी

सुमि ने अपनी टंगे फैला दी

सुमि की छूट हलके बालो वाली थी पर एक दम गुलाबी और उसकी फाके चिपकी हुयी थी जो ये बयां कर रही थी की सुमि अभी भी कच्ची काली है आकाश ने सबसे पहले उसकी फाको को फैलाया और बिच में चाटने लगा सुमि को जैसे जन्नत मिल गयी हो क्यों उसकी उस जगह को आज तक किसी ने नहीं छुआ था और आकाश ने सीधा अपनी गरम जीब से हमला बोल्दिया था

सुमि : आआह्ह्ह्ह आकाश क्या कर रहे हो आआह्ह्ह्ह ये क्या हो रहा है मुझे आअह्हह्ह्ह्हह

आकाश : दीदी आपतो अभी काली लगती हो ये छूट ान हुयी है

सविता : है इसने कभी भी अपनी छूट मैं कुछ नहीं लिया है

आकाश : तब तो दीदी आप अभी रहने दो आपके साथ तो मैं सुहागरात मनाऊंगा पर अभी मैं आपको जड़ाउंगा तो जरूर

फिर आकाश ने सुमि को ज्यादा दिया

फिर वो खुद लेट गया फिर ये चारो आकाश के लुंड पर टूट पड़ी कभी कोई उसके लुंड को चुस्त तो कोई उस पर चुप्पे मरता तो कोई उसके बॉस से खेलने लगता आकाश को पहली बार ऐसा मज़ा आ रहा था

फिर आकाश में मेघा को बोलै

आकाश : तो बुआ जी सब से पहले आपकी छूट को फाड़ूंगा

मेघा : आजा बीटा फड़ले अपनी बुआ की छूट को कब से तड़प रही थी तेरा तो लुंड भी बड़ा है मेरे उनका ( मेघा का पति जो मर चूका है) तो बस 3 इंच का था

और भैया का भी4 इंच के करीब होगा उस से भी अपनी आग संत करवैथी जब उनमे डैम था फिर उसके बाद आज तेरे सामने लेती हु

फिर आकाश ने लुंड को सविता के मुँह मैं दे कर गिला किया

फिर मेघा की छूट पर सेट किया

आकाश : बुआ तैयार होना

मेघा : है बीटा पर आराम से

आकाश : आराम गया माँ छुड़ाने आआह्ह्ह्ह येलो

आकाश ने एक झटके मैं hi अपना लुंड डालना कहा पर छूट टाइट थी मेघा की जिससे उसका अद्धा लुंड hi जा पाया

पर मेघा की चीख निकल गयी

मेघा : आआह्ह्ह्ह मेरी फैट गयी रीई आअह्ह्ह्हह ठुड्डाए रुको बीतता आअह्ह्ह्हह

आकाश 5 मं रुका और फिर एक इसे झटका मारा जिससे उसका लुंड मेघा की छूट की दीवारों को चीरता हुवा अंदर घुस गया..

एक बार फिर मेघा को इसे दर्द हुवा पर

आकाश : आठ बुआ क्या टाइट और गरम छूट है आपकी

मेघा : तेरा लुंड भी इतना बड़ा है मेरी छूट को चिर दिया रीई आआह्ह्ह्ह अब सुरु होगा

फिर आकाश मेघा को छोड़ने लगा जोरदार धक्को के साथ

मेघा : आआह्ह्ह्ह आकाश आह्हः सच आठ तू बहुत अच्छा छोड़ता है आअह्ह्ह

आअज पहली बार असलमारद से चुद रही हु आअह्हह्ह्ह्हह मार और मार आअह्ह्ह फाड् दे मेरी छूट को आअह्ह्ह

आकाश : है बुआ आपको मज़ा तो आरहा है न

मेघा : आआह्ह्ह्ह पूछ मत आअह्ह्ह ऐसे मार मुझे बहुत ज्यादा सुकून मिल रहा है आआह्ह्ह्ह

आकाश : माँ एक काम करो आप बुआ के मुँह पर घुटनो के बल बैठ जाओ और बुआ आप माँ की छूट को छतो और सविता काकी आप तहा मेरे पास आकर अपनी छूट के मेरे मुँह के पास रख कर कड़ी होजाओ और मज़ा आएगा

फिर सब ने इसे hi किया जिससे तीन तीन अओर्तो की संतुस्ती हो रही थी

सविता : हां बीटा चाट ले ाःह तेरा मुँह बहुत गरम है

सुलोचना : मेघा ऐसे चाट क्या चाट रही है तू आआह्ह्ह्ह ऐसे आअह्ह्ह ोुह्ह्ह माआ

आकाश धक्के पे धक्का लगाए जा रहा था

फिर आकाश ने तीनो की पोशण बदली अब सविता की छूट की बरी थी लुंड खाने की और मेघा सविता के मुँह पर बैठा गयी और सुलोचना अपने बेटे के सामने अपनी काली छूट धरदेति है

आकाश : ाःह मेरी फवौरीते छूट है आठ इसे तो मैं खाऊंगा

फिर आकाश ने सविता की छूट पर लुंड सेट किया और दो झटको मैं उसके अंडर भी उतर दिया

सविता : ाःह बीटा अब जल्दी कर रहा नहीं जा रहा है

फिर आकाश सविता के अंदर धक्के मरने लगा

करीब 15 मं सविता को छोड़ने के बाद सविता को जलन होने लगी क्यों वो कभी 59 सेक् से कयदा चूड़ी नहीं थी

सविता : बस बीटा और कितना मरेगा जलन हो रही है आह्हः

आकाश : ठीक है मा अब अआप भी ाही जाओ

सुलोचना : मैं तो कबसे इसी इंतज़ार मैं हु

अब सुलोचना चुद रही थी उसके मुँह के ऊपर सविता थी और आकाश के मुँह के पास मेघा

आकाश : आह आअह्ह्ह मा आपकी छूट सबसे ज्यादा गरम है आआह्ह्ह्ह

सुलोचना : आअह्ह्ह सुसुर्ररप्पप्प ूममममम तो मर बीटा और अंडर जड़ना

और फिर क्या था आकाश ने 15 फिर सुलोचना को छोड़ा उसके बाद चारो जड़ने वाले थे

एयरटे जरा 30 सेक् जल्दी जड़ गयी और आकाश ने एन्ड मैं इतनी स्पीड से सुलोचना को छोड़ा जितनी स्पीड मैं कुत्ता कुट्टी को छोड़ता है

सुलोचना जो अभी जड़ी थी वो आकाश के स्पीड से लगते धक्को से आकाश के साथ एक बार और जड़ी और आकाश ने भी अपना लावा अपनी माँ की ज्वाला मुखी मैं दाल दिया

फिर सब पास्ट पद गए हाफ रहे थे

सविता : सच मैं भाभी आअज तो मज़ा hi आज्ञा क्या अनु भाव था लगता है अब हमे रोज़ ऐसा मज़ा मिलेगा और बीटा मन्ना पड़ेगा अभी सिर्फ 10 मैं hi पढ़ते हो पर क्या छोड़ा है तुमने हम तीनो संतुस्ट होगयी

मेघा : अब तो हम चारो आकाश के साथ hi सोयेंगे उसके रूम मैं और रोज़ मजे करेंगे

आकाश : माँ मुझे मूतना है चलो बाथ रूम मई.

सुलोचना : है क्यों नहीं अरे मेघा सविता तुम दोनों भी चाओ एक और मज़ा तुम्हे दिलाती हु

फिर बात रूम मैं ये चारो गए और सुलोचना के साथ ये दोनों भी घुटने पर बैठ गयी और

आकाश इन तीनो पो अपने मूत से नेहला ने लगा और उसके बाद आकाश घुटनो पर बैठ गया और ींटींक ने एक साथ अपने मूत से आकाश को नहलाया

फिर तीनो थक हार कर सो गए और सुमि निचे चली गयी क्यों की सुमि की सुहागरात आकाश के साथ होने वाली थी

अपडेट पोस्टेड फ्रेंड

ी होप यू लिखे आईटी

सी यू सून

ब्बये
 
अपडेट 72

यहाँ इनकी घमषनवां चुदाई मैं दोपहर होगयी थी चारो hi आराम कर रही थे

रश्मि निचे खाना बना रही थी जब खाना बन गया तो सब निचे आये और खाना खाने लगे

और फिर इन्होने शाम तक बहुत ज्यादा चुदाई की अब शाम को किसी में भी हिम्मत नहीं बच्ची थी और सब सो गए

फिर सुबह सुबह भी सब नंगे hi घूम रहे थे घर मैं और अपने आकाश भाई सो रहे थे आकाश उठा और हॉल मैं आज्ञा उसने देखा की सभी नंगे hi है तो वो सुलोचना के पास गया और पीछे से पकड़ लिया

सुलोचना : उठ गए मेरे लाल चल अब फ्रेश होजा फिर नास्ता करले

आकाश : पहले मुझे अपनी माँ के मुँह मैं मूतना है फिर बाकि सब कुछ

सुलोचना : अरे सविता जरा यहाँ आ ये दूध गरम करदे मैं जरा अपने बेटे को फ्रेश करवाके लती हु

फिर ये दोनों निकल गए निचे के बाथरूम मैं

सुलोचना निचे बैठी और अपने बेटे के लुंड को मुँह मैं भर लिया और आकाश उसके मुँह मैं मूत ने लगा फिर क्या था सुलोचना उसे पीती गयी और फिर उसने आकाश को नहाया और बहार ले आयी

और फिर नास्ता करके सब घूम ने लगे अपने अपने काम मैं

सविता ऊपर कपडे सूखा रही थी

आकाश वह गया और सविता की के पीछे से पकड़ कर उसकी छूट मैं लुंड दाल दिया और ऐसे hi छोड़ने लगा

सविता भी कपडे सूखने के साथ साथ चुदाई का भी मज़ा लेने लगी

क्यों की आकाश का घर वैसे उसका घर नहीं बांग्ला था और वो घर गौण कके सभी घरो से ुचा भी था और उसकी साइड की दीवारे भी ुचि थी जिससे इन्हे कोई नहीं देख सकता था

आज आकाश ने उसे खुले मैं hi छोड़ा था और सविता भी इससे मस्ट होगयी थी फिर आकाश वह से फ्री होकर निचे आया और थोड़ी देर पढाई की क्यों की भाई आकाश को भी बिजनेसमैन बनना था तो ज़ाहिर सी बात है

करीब 2 घंटे की पढाई के बाद जब आकाश निचे आया तो उसने देखा की सुलोचना और मेघा बैठे हुए टीवी देखते हुए सब्जी काट रही थी

आकाश गया और अपने माँ के पास बैठ गया और उसकी छूट चाटने लगा

और सुलोचना ने भी अपने टंगे खोलदी और आकाश आराम से छत्ता रहा

थोड़ी देर बाद आकाश सुलोचना को चोर कर मेघा की छूट छत्ता ने लगा

और फिर क्या था इनकी चुदाई की दास्ताँ ऐसे hi चलती रही और आकाश अपने मां के घर शादी मैं भी इन तीनो को जान कर छोड़ा फिर एक दिन सुमि को भी आकाश ने सुहागन बना दिया

एन्ड फ्लैशबैक......

यहाँ अपने डैड की सेक्स लैफे सुन कर तो अंकित का मुँह खुला का खुला रह गया

अंकित : सच में डैड क्या लाइफ थी आपकी

आकाश : तू इतना क्यों चौक रहा है तेरी भी कुछ काम नहीं है मुझे पता है आज तक तूने कितनो को खुश किया है आखिर बाप हु तेरा

अंकित : सॉरी डैड वो क्या हैना जब ाप्प लोग नहींथे तो मैं बहोत hi अकेला पद गया था इसी लिए

आकाश : अरे बेटे साद मत हो आखिर मेरा बीटा है मेरे गन तो होंगे hi पर मुझे एक बात अच्छी लगी की तूने कभी भी किसी के साथ जबरदस्ती नहीं की

अंकित वैसे डैड चाचू इन सब मैं कैसे आये थे

आकाश: वो हुवा हु की एक बार मैं और माँ ऐसे hi चुदाई कर रहे थे तब मनोज ने देख लिया था तो माँ ने उसे भी मिला लिया आखिर माँ केलिए तो दोनों बेटे शामे hi होते है चल अब बोहोत रात होगयी है सजा

अंकित : पर डैड एक बात मेरी समाज मैं नहीं आयी आखिर मेने उन्हें क्यों नहीं देखा ी मैं जब मैं गौण मैं था तब तो वो वह नहीं थे

आकाश : है वो एक बार मोहन काका और सविता काकी एक बार एक गौण मैं शादी मैं जा रहे थे तब मेरी और निशा की शादी हुयी hi थी और मेरा बिज़नेस भी अपने मुकाम पर पंहुचा था तो शादी से वापस आ रहे थे अब सामने से आते ट्रक के साथ उन दोनों का एक्सीडेंट होगया और वो दोनों चल बेस उनकी मौत के बाद मेघा बुआ और सुमि दीदी एक दम से टूट गयी

तो मेने उन्हें दुःख से उभर ने केलिए लंदन भेज दिया और आज भी वो हमारी कंपनी की लंदन वाली ब्रांच की सीईओ है

अब वो दोनों वह गयी और सुमि दीदी ने एक साक्ष से सेक्स करलिया फिर क्या था उससे वो प्रेग्नेंट होगयी तो उस साक्ष ने सुमि दीदी को धोका दिया और भाग गया एक बार फिर सुमि दीदी टूट गयी पर इस बार मेघा ने उसे संभल लिया फिर एक दो साल बाद जब वो उस कल हर मैं रहे तो उन्दोनो ने वह पर लेस्बियन मैरिज कर्ली

और दो बेटी को सुमि दीदी ने जनम दिया

और आज भी वो वही कृषि से अपनी जिंदगी बिता रही है और कभी कबर वो यहाँ भी आती थी वैसे उनकी बेतिया नेहा की उम्र की है तुम सुमि दीदी को अपनी बुआ कह सकते हो और मेघा को भी और घर में सब को एहि पता है की सुमि और मेघा का मेरे साथ क्या रिस्ता है पर जितना मेने तुझे बताया उतना नहीं समझा ok चल अब सजा

अंकित फिर अपने रूम मैं आज्ञा आज मनीषा थी उसके रूम मैं क्यों की निशा के पीरियड आये हुए थे तो वो आकाश के साथ सोने वाली थी

मनीषा : क्या हुवा तुम्हे अपने पापा की सेक्स लाइफ पसंद नहीं आयी

अंकित : आपको कैसे पता

मनीषा : जब तुम्हारे पापा तुम्हे सब कुछ बात रहे थे और तुम उसमे दुबे हुए थे तब मैं और निशा दीदी रूम मैं आयी थी

अंकित : है वो भी क्या लाइफ थी डैड की और मेरी भी तो ऐसी hi है बपर अब मुझे मेरी बुआ से मिलने की िक्षा है

मनीषा : कोई नहीं मैं होना मैं तुम्हारे पापा से बात करुँगी ok चलो मेरा बच्चा अब अपनी मां के पास ाजो और मां का दूध पिलो और सो जाओ

फिर अंकित भी एक बॉक्सर मैं आज्ञा और मनीषा के आगोश मैं समां कर अपनी माँ की दुधारू चुचिओ से दूध का पान करने लगा और ये लोग ऐसे hi सो गए

पर इस बात से ी जान के बहुत जल्द घर मैं एक बड़ा तूफ़ान आने वाला है

दोस्तों यहाँ मैं सुमि और मेघा की आगे थोड़ी काम कर रहा हु इसी लिए मैं सुमि और मेघा के इंट्रो मैं उनकी आगे थोड़ी छोटी कटदूँगा जिससे मैं अंकित के साथ भी इन दोनों का सेक्स सीन दाल सकू

तो मेघा की आगे रहेगी अभी के टाइम पर 50 इयर्स और सुमि की आगे 46 इयर्स होप की आपको ये चेंज पसंद आएगा

अपडेट पोस्टेड भाईलोग

ी होप यू लिकेड

सी यू सून

ब्बये
 
अपडेट 73

नया दिन नयी सुबह नयी सुरुवात

अंकित एंड फॅमिली नास्ता कर रही थी

तभी दूर बेल बाजहि

सीतल : अरे प्रिय (हाउस माइड) देखो तो जरा कोण है

प्रिय जब गेट खोलती है तब सामने आर्यन खड़ा था

प्रिय : अरे भाभी ये अंकित बाबा के दोस्त है आर्यन बाबा

फिर आर्यन अंडर आजाता है आर्यन के साथ कारन भी था

आर्यन : गुड मॉर्निंग एवरीवन

सब सिवाय अंकित के : गुड मॉर्निंग

आर्यन : क्या हुवा भाई हमसे नाराज़ है क्या

अंकित : अरे मेने नहीं किया क्या विश कोई बात नहीं गुड मॉर्निंग कमीनो

अंकित के बाजु मैं बैठी निशा अंकित के गालो पर हलके से मरती है

निशा : ऐसे बोलते हैक्या गुड मॉर्निंग

अंकित : अरे मुम्मा मैं तो इनको ऐसे hi बोलता हु क्यों सालो प्रॉब्लम है क्या

आर्यन : अबे सेल तेरे बातो का कब से बुरा मैंने लगा मैं

कारन : तू तो हमारा एक नंबर का सुधरा हुवा दोस्त है

सब हसने लगते है

अंकित : कारन मेरे भाई ये तारीफ थी या बेइज़ाती

कारन : जो तू रखना कहे रखले

मनीषा : बीटा आओ नास्ता करने बैठ जाओ

आर्यन : अरे नहीं आंटी हम करके आये है

निशा : अरे आजाओ थोड़ा तो खालो

फिर ये दोनों भी नास्ता करने बैठ जाते है

नास्ते के बाद आर्यन बोलता है

आर्यन : तो भाई कल से कॉलेज स्टार्ट होने वाला है तो क्या सोचा फिर कोनसा ब्रांच लेना है

अंकित : यार अब सॉफ्टवेयर इंजीनियरिंग तो मुझे आती है सोच रहा हु इस बार बिज़नेस करलु

आर्यन : है ठीक है पर मैं तो इंजीनियरिंग hi करूँगा कारन भी बिज़नेस केलिए कह रहा है

अंकित : ठीक है तो अब क्या प्लान है

कारन :प्लान सिंपल है कॉलेज की शॉपिंग

अंकित : ठीक है पर मोनिका दीदी भी साथ मैं आएगी वो भी हमारे साथ hi है कॉलेज मैं

कारन : कोई प्रॉब्लम नहीं है भाई वैसे भी हमारे साथ शॉपिंग मैं जूही अनन्य और रक्षा भी चल रही है

आर्यन कारन के कण्ठे पर हाथ रखता है

आर्यन : है भाई ठीक है

और वो अंकित की तरफ देखता है तो अंकित बस चुप चाप उसे देख रहा था

चेहरे पर कोई रिएक्शन नहीं

अंकित: ठीक है चलो कब जाना है

कारन : 4 बजे चलेंगे और शॉपिंग के बाद डिनर मेरी तरफ से

अंकित : और वो किस खुसी मैं सेल

आर्यन : क्यों की इसकी और जूही की फॅमिली ने दोनों का रिस्ता जोड़ दिया है

अंकित : कोंग्रटुलतिओन्स सेल और ये बात तू अब बता रहा है

कारन: सॉरी यार सोचा सब को सरप्राइज दूंगा पर इसने सब गड़बड़ करदिया ये बोलके आर्यन को हलके से मरता है

आकाश : निशा

किचन से

निशा : जीईई

आकाश : मैं ऑफिस जा रहा हु बीईए

निशा : ठीक है टेक केयर बीईए

आकाश : बीईई बॉयज

अंकित : bye डैड

दोनों : भाई अंकल

फिर ये निकल जाते है

कारन : बीआरओ अब हम भी चलते है

अंकित : ठीक है फ़ोन करना 4 बजे bye थें

अंकित अब बिलकुल फ्री था और हॉल वाले टीवी पर पस5 लगा कर गेम खेलने लगा तकभी करीब 1 घंटे बाद उसके कंधे पर किसी ने हाथ रख्हा

अंकित ने जब देखा वो खुश होगया

क्यों की वह तिया थी जो की तिया को कमर में एक गाठ थी तो उसी की सर्जरी केलिए वो लंदन गयी थी अब वो पूरी तरह ठीक थी

अंकित ने टीयू को जल्दी से गॉड मैं उठाया और गले लगा लिया

अंकित : अरे मेरी गुड़िया कब आयी तू कितने दिन होगये तुझे देखे और अब किसी है तू

तिया : मैं ठीक हु और बहुत ज्यादा गुस्सा हु आपसे आपने एक बार भी फ़ोन नहीं किया

अंकित : अरे टीयू सॉरी बेबी मैं फ्री hi नहीं होरहा था

तिया : दो hi शर्त पर माफ़ करुँगी

अंकित : जो बोलोगी वो मंजूर है

तिया अंकित के कान मैं : मेने वह अपनी विर्जिनिटी भी वापस लेली है सुरगुरी से अब आपको उसे फिरसे ब्रेक करना है

और दूसरी सूरत ये की आप मुझे घूमने ले कर जायेंगे और वो भी आज hi

तन्वी : आते hi भैया को पकड़ लिया

तिया : क्यूना पकड़ी एक hi तो भाई है मेरा

भैया मुझे एक किस्सीय दो मैं बड्ड मैं hi उतरूंगी

तन्वी भी जानती थी अंकित और तिया भी एक होचुके थे पर तिया की फिरसे वर्जिन होने की ज़िद्द के आगे वो भी हार गयी

और तिया की आदत hi थी वो सब से मिलती तो वो सब को लिप किस करती पर एक छोटासा hi पर अंकित निशा और अपनी माँ को वो फ्रेंच किश करती

क्यों की तिया अभी बच्ची थी तो बचपना तो होगा hi

फिर अंकित ने तिया के लिप्स से अपने लिप लॉक करलिए फिर 2 मं तक किश करने के बाद दोनों अलग होगये

फिर अंकित अपनी तन्वी चची से मिला उनके गले लग गया

अंकित : ओह्ह चची मैंने कितना मिस किया आपको ूम्मा

और अंकित ने तन्वी के गालो को चुम लिया

तन्वी : मेने भी मेरे बेटे को बहुत मिस किया ूउम्म्माह्ह्ह

और तन्वी अंकित को किश करलेती है

यहाँ तिया मनीषा और अपनी बहनो से मिल कर सीधा निशा के पास चली गयी जो अभी अपने रूम मैं मैगज़ीन पढ़ रही थी

तिया निशा के पीछे से उसकी आखे धक् देती है

तिया : बताओ मैं कोण हु

निशा के चेहरे पर एक स्माइल आगयी

निशा : ये मेरी प्यारी बेबी टीयू है

ये बोल निशा कड़ी होजाती है और टीयू को गॉड मैं उठा लेती है तिया की हिघ्त अभी 4.5 फिट hi थी और निशा पुरे 6 फिट की

और तिया पहले निशा के होठों से अपने होठ जोर देती है और 2 मं तक गहरी स्मूचिंग के बाद

निशा : बेबी तुम अभी भी ये नहीं भूली

तिया निस्सहा के गले लग कर

तिया : क्या बड़ी मम्मी आप तो मेरी प्यारी मम्मी हो मैं कैसे ते भूलू और आप घर मैं सबसे ज्यादा सूंदर हु मैं क्या करू

निशा : चुप बदमाश अगर तेरे भैया को पता चलना की आप उनकी मम्मी के साथ ऐसी बाटे कर रहे है तो वो गुस्सा करेंगे

तिया : अगर भैया ने गुस्सा किया न तो मं उनकी टंगे रोड दूंगी

निशा हुस्ने लगती है

फिर ऐसे hi दो पहर बिट जाती है और फिर अंकित मोनिका और तिया शॉपिंग केलिए चले जाते है.

नेहा और साक्षी अपनी फ्रेंड के घर

अब देखते है क्या शॉपिंग मैं अंकित और रक्षा की जोड़ी जामगिया नहीं

अपडेट पोस्टेड फ्रेंड

होप यू लिखे आईटी

सीयो सून

ब्बये
 
अपडेट 74

यहाँ मॉल के बहार ये पाछो अंकित का वेट कर रहे थे

कारन : अरे आर्यन फ़ोन करना कहा पंहुचा वो

आर्यन : अरे यार आता hi होगा और रक्षा तुम जरा उससे चिपक कर रहने की कोसिस करना

रक्षा : ओह hello क्या मतलब कोसिस करना मैं तो चिपकू गई hi आखिर मेरा माल है

तभी अंकित की कार आती हुयी दिखी जहा सब के चेहरे पर स्माइल आजाती है वही रक्षा की धड़कने तेज होजाती है

अंकित वह कार को पार्क करके उनसब के पास आता है

कारन : यार कितना लेट सादे 4 यही बज गयी

अंकित : चल चल अब रोना बांध करेगा या अंदर भी चलेगा

कारन : है पर पहले इनका इंट्रोडक्शन तो करदे

अंकित : सो फ्रेंड ये है मेरी मोनिका दीदी और ये मेरी प्यारी गुड़िया तिया

दोनों : होई एवरीवन

सब hello

अंकित : ये है जूही ये अन्नया और एई

अंकित बोलते बोलते थोड़ा रुका

पर तभी आर्यन बोलै

आर्यन : ये है रक्षा

अंकित : है और इनदोनो कमीनो को तो जानती hi हो

मोनिका और बाकि सब है देते है

मोनिका : यस ी क्नोव

फिर सब मॉल के अंदर जाने लगते है और अपनी अपनी शॉपिंग मैं जुट जाते है कारन जूही और मोनिका और कारन साथ थे वही तिया को अनन्य के साथ अच्छा जैम रहा था और

और उस के पीछे आर्यन भी था

अब रह जाते है अंकित और रक्षा

दोनों hi चुप चाप अपनी शॉपिंग कर रहे थे थे तो दोनों साथ पर बात नहीं कर रहे थे

रक्षा : रक्षा ये देखों ये अच्छा लगेगा तुम पर

रक्षा ने अंकित की तरफ एक शर्ट बढ़ाया

पर अंकित ने सुन कर भी अनसुना करदिया

रक्षा को बुरा तो लगा पर उसने हार नहीं मणि उसने कुछ सोचा

रक्षा (मन में) : तुम भले hi मन करो पर तुम मेरे लिए हुए कपडे पहनोगे जरूर

अंकित ( मन में) : माफ़ करना रक्षा पर क्या करू तुम ने जो मेरे साथ किया था वो मैं भूल नहीं पा रहा हु पर मैं भी थोड़े नखरे करूँगा लोग लड़ियो के नखरे उठाते है पर मुझे कोई ऐसा चाहिए जो मेरे नखरे उठा सके क्यों की मैं किसी का गुलाम नहीं

फिर ऐसे hi शॉपिंग चलती रहती है

रक्षा मोनिका को अपने पास बुलाती है

रक्षा : दीदी अपने शॉपिंग किया नहीं

मोनिका: है की और मैं जानती हु की तुम मुझसे अंकित को लेकर बात करने केलिए बुलाया है

रक्षा : है पर आपको कैसे पता

मोनिका: क्यों की अंकित ने मुझे बताया था की तुम दोनों के बारे मैं और है वो आज भी तुम से बहुत ज्यादा प्यार करता है

रक्षा थोड़ी दुखी होकर

रक्षा : अगर वो मुझसे अब भी प्यार करता है तो वो मुझे इग्नोर क्यों कर रहा है

मोनिका : वो इस लिए क्यों की तुम ने जो किया है वो अभी भी उसे पूरी तरह भुला नहीं पाया है तुम्हे उसके गुस्से का सामना करके उसका प्यार पाना होगा

रक्षा : मैं पूरी जी जान लगा दूंगी वैसे ये मेने कुछ ड्रेस अंकित केलिए लिए है पर अगर अभी मेने ये दिए तो वो नहीं लेगा इसी लिए आप इसे लेकर उसे दे देंगे प्लीज

मोनिका स्माइल करके

मोनिका : जरूर और है हमारे घर में भी हमारी मम्मी को भी ये बात पता है मतलब तुम्हारी और अंकित की तो तुम अब हमारे घर की फ्यूचर बहु होगी तो टेंशन मत लेना

रक्षा शर्मा जाती है पर मोनिका उसे देख हुस्ने लगती है

मोनिका : चल अब शर्मा मत और चल

फिर ये लोग मॉल के फ़ूड कोर्ट मैं जेक कॉफी आर्डर करते है

सब लोग कॉफी के बाद बैठे थे

जूही : चलो गर्ल्स अब अपनी शॉपिंग स्टार्ट करते है

कारन : अरे तो अभी तुम सब बस ा हमारी शॉपिंग करवा रहे थे

जूही : और नहीं तो क्या अभी तो मैं अपने फुतुर हुब्बी का थोडासा और बैंक बैलेंस खली करुँगी

कारन : है जाओ आज तो बर्बाद करहि डौगी रुको मैं भी चलता हु

जूही : जी नहीं कोई जरुरत नहीं अगर अब तुम आओगे तो जरूर कंजूसी करोगे अंकित इसे हमारे पास मत आने देना

अंकित : टेंशन नॉट यार इसे यहासे उठाने hi नहीं दूंगा और मोनिका डीई ये लो ये कार्ड आपको जितनी चाहिए शॉपिंग करना

मोनिका : थैंक्स भाई पर मेरे पास कार्ड है

अंकित : अरे नहीं ये कार्ड मुझे माँ ने दिया है उन्होंने कहा है हम जितनी शॉपिंग करनी हो कर सकते है इससे

जूही : सीखो इनसे केसा कंजूश फिऑन्स मिला है

कारन : क्या यार तूने तो मेरी वात लगा दी

अंकित : अरे उसमे मेरी क्या गलती

फिर क्या था और दो घंटे शॉपिंग करने के बाद ये सब एक 7 स्टार होटल मैं जाते है और वही डिनर करते है

डिनर टेबल पर लोग कुछ इस तरह बैठे थे

एक साइड कारन अंकित आर्यन और तिया बैठे थे और दूसरी साइड जूही कारन के सामने अनन्य आर्यन के सामने और रक्षा अंकित के सामने और मोनिका तिया के सामने

ये लोग डिनर कर रहे थे की तभी रक्षा ने अपने पैर से अपनी हील को उतरा और पैर से अंकित के पैर को सहलाने लगी

अंकित को भी पता था पर उसने कुछ रियेक्ट नहीं किया और चुप चाप खाना खाने लगा

और फिर डिनर के बाद सब लोग अपने अपने घर लौट गए और अपने अपने रूम मैं चले गए मोनिका चाट पर चली गयी

अंकित भी ये देखता है की मोनिका थोड़ा उदास है

अंकित भी ऊपर जाता है

अंकित मोनिका को पीछे से पकड़ ता है और उसकी कमर को सहलाने लगता है

अंकित : क्या बात है आज मेरी सेक्सी दीदी बहुत ज्यादा परेशां है

मोनिका : नहीं भाई ऐसा कुछ नहीं है

अंकित : दीदी भाई हु आपका सच सच बताईये चलिए

मोनिका : बस कल्कि बारे मैं सोच रही थी की कल वो जरूर आएगा

अंकित : अवि चौधरी वही हैना

मोनिका : तुम्हे कैसे पता

अंकित : दीदी आप उसकी चिंता मत करो मैं जनता हु वो यहाँ के िग का बीटा है पर विश्वास रखे वो हमारा कुछ नहीं बिगड़ सकता

मोनिका : ठीक है पर पता नहीं क्यों मेरा बहुत जायदा दिल घबरा रहा है

अंकित अपने होठो को मोनिका से जोड़ देता है जिससे मोनिका संत होजाती है और थोड़ी देर बाद दोनों किश तोड़ते है

अंकित : मुझ पर भरोषा हैना

मोनिका : अपनी जान से ज्यादा

अंकित : तो चलिए अब सो जाईये

फिर ये दोनों सोने चले जाते है पर अंकित की आज की रात शीतल के साथ थी

तो देखते है अगले अपडेट मैं की शीतल चची मैं कितना दम है

अपडेट पोस्टेड दोस्तों

ी होप यू लिखे आईटी

सी यू सून

ब्बये
 
अरे मेने अंकित का पस्सट बताया था और रही बार रीज़न की तो ये दोनों एक दूसरे से प्यार करते थे पर इनदोनो को एक दूसरे के खिलाफ भड़काया गया था और अंकित को तो फर्क नहीं पड़ा पर रक्षा भड़क उठी और अंकित से रिस्ता तोड़ दिया और सच्चाई पता लगने पर जोड़ रही थी लेकिन अंकित भी हमारा कटाई ऐटिटूड वाला था वो रक्षा की हरकत से गुस्सा होगया

आखिर अपना हीरो कोई ढोल है क्या जो कोई भी आके बजा जाये
 
अपडेट 75

ंकित और मोनिका चाट से निचे आगये

मोनिका अपने रूम मैं चली गयी और

अंकित अपने रूम मैं

अंकित जब अंदर गया तो देखा शीतल उसका बिस्टेर ठीक कर रही थी

अंकित : अरे चची आप यहाँ

शीतल : क्यों अब मैं अपने बेटे के रूम मैं नहीं आसक्ति

अंकित : अरे नहीं नहीं मेरा वो मतलब नहीं था

शीतल : मेने सोचा आज मैं पूरी तरह तुझे मैं खुद मैं समलू अब बर्दास्त नहीं होता पहले तो मुझसे दूर नहीं जाता था और अब तो देखता भी नहीं है

अंकित अपनी चची के पास गया और अपनी बहो मैं लेते हुए

अंकित : अरे आज आया होना पूरी तरह आपमें समां जाऊंगा चिंता क्यों करती हो

शीतल : पर मेरी एक विश है अगर तुम पूरा करो तो

अंकित : बोलियेना चची आपकी हर विश को मैं पूरा करूँगा

शीतल : आज मुझे एक दम एक सड़क चाप रांड की तरह छोड़ना गाली देते हुए

अंकित : नहीं चची ये मुझसे नहीं होगा आपको मेने हंमेशा अपनी माँ मन है मैं कैसे आपको गाली दू

शीतल : देखा मेने कहा थाना अब तू मुझसे प्यार नहीं करता अगर करता तो ये सवाल नहीं करता

अंकित अब सोच मैं दुब गया और आप इस सोच मैं अपनी चची की विश को इमैजिन करने लगा ये सोच ते hi उसके लुंड ने झटका मारा

अंकित (मन में) : अरे यार अब चची को कैसे गली देकर छोड़ू प्यार से तो मैं अभी छोड़ दालु

अंकित का डिल : अरे यार जब दबहार वलोकि ले सकता है गली देकर तो चची मैं क्या प्रॉब्लम है

अंकित : अरे यार बहार वालो की बात अलग है ये तो घर मैं है अब क्या करू

अंकित का डिल : अब रिस्ता गया माँ छुड़ाने इसे छोड़ दाल जैसे मर्जी

अंकित : ठीक है चची मैं तैयार हु आज मैं आपको ऐसे छोडूंगा की आपकी तबियत खुश होजायेगी

शीतल : ठीक है मैं अभी रेडी होकर आती हु

फिर शीतल चली गयी

अपने रूम मैं और तैयार होने लगी

उसने एक ब्लैक कलर की सेक्सी साड़ी पहनी ब्लैक बलयश और होठों पर थोड़ी डार्क ब्राउन कलर की लिपस्टिक और काळा रंग की बिंदी लगायी और सारे के अंदर एक सेक्सी ब्लैक ब्रा पेंटी पानी थी

और उसने अपना ड्रॉवर खोला और उसमे से एक परफ्यूम जैसा कुछ निकला असल मैं इसमें तन्वी की छूट का पानी था

वैसे अक्षर मनोज के साथ चुदाई के वक़त ये दोनों ऐसा hi करती एक दूसरे की चितना पानी अपने बदन पर लगाती जिसकी खुशबु से इन्हे अलग की उत्तेजना मिलती थी

शीतल ने अपनी पूरी बॉडी मैं वो रास लगाया

और चली गयी अंकित के रूम मैं जहा अंकित सिर्फ एक शॉर्ट्स मैं था जैसे hi शीतल अंदर आयी तो वो खुशबु पुरे रूम मैं फ़ैल गयी और जैसे ये खुशबु अंकित के नक् मैं गयी तो वो पागल होगया और शीतल जो अभी दरवाजे पर hi कड़ी थी भाग कर अंकित उसके पास गया और लिपट गया

और गले मैं होठों पे गाल मैं हर जगह चूमने लगा

अंकित : ूममः ूममः चची आखिर आखिर आपने आज क्या लगाया है ुउउम्मा ऊम्ममा मैं पागल हो रहा हु ूउम्म्म ा

शीतल : वो सब बाद मैं अभी तो मुझे बस आज रात इतना छोड़ की सुबह मैं चल भी न पाउ

अंकित : अभी लो

फिर अंकित और शीतल अंकित के बीएड पर आजाते है

अंकित का बीएड किंग साइज 7बी7 था जिससे ये दोनों पूरी रात जैसे कहे चुदाई कर सकते थे

अंकित शैताल को बहो मैं लेकर किश करने लगा जैसे आज उसे खा hi जायेगा

अंकित : ूउम्मंहहहहा ूउम्मंहहहह

शीतल : अह्ह्ह ूउम्म्म वाह्ह अंकित क्या होठ चुस्त है तू ूईमंमं जैसे होठों को hi छोड़लेग़ा ूउम्म्म

अंकित : ूउम्म्म मेरी रंडी के होठों को मैं ऐसे hi चुस्त हु ूईमंमं

फिर करीब 15 मं बाद दोनों ने किश तोड़ी शीतल हाफ रही थी पर अंकित उसे गले मैं चुम ने लगा और कभी कभी हलके से काट भी लेता

शीतल : आअह्ह्ह ूउम्म्म ऐसे hi आह्हः ऐसे चूड़े जमाना होगया तेरे चाचा तो आअह्ह्ह बस दूध चूसते हुए छोड़ते hi रहते है

फिर अंकित ने शीतल का बलयश निकल कर फेक दिया

अब अंकित के सामने शीतल के 36 साइज के चूचिया थी और उसके सेण्टर मैं डार्क ब्रॉउन कलर के निप्पल्स

शीतल की चूचियों मैं ढीला पैन नहीं था पर वो बहुत सॉफ्ट थी

जहा निशा के निप्पल्स एक दम गुलाबी और सेक्सी थे वही मनीषा के ोे तन्वी के हलके ब्राउन कलर के थे

अंकित ने एक छू hi को अपने मुँह मैं भर लिया और दूसरी वाली को जोरसे डा आने लगा

शीतल : आअह्ह्ह ऐसे hi बना रेहम के मसल डाल आआह्ह्ह्ह ोुह्ह्ह ऐसे hi आअह्ह्ह

अंकित : ूउम्म्म आअह्ह्ह सच में मेरी रंडी चची तेरी चूचियों की बात hi अलग है इसे तो मैं जब मन करेगा दबाऊंगा आअह्ह्ह ऊम्ममा

ऐसे फिर अंकित ने शीतल की साड़ी को साइड किया और अब बरी थी शीतल के नंगे पेट की शीतल का जिस्म बारे हुवा था पर उसमे चर्बी का नमो निशान नहीं था एक दम सपाट पेट था जिसका रंग थोड़ा गेहूवा था और बिच मैं एक दम जले रंग की नाभि चाट चाँद लगा रही थी

अंकित शीतल के पेट पर बिना रुके अपनी जबान फेर ने लगा कभी उसके पेट के एक हिस्से को अपने मुँह मैं भर के किश करता तो कभी उसे काट ता

शीतल : आह्हः ऐसे hi तड़पाओ मुझे आअह्ह्ह ऐसे काट आअह्ह्ह

फिर थोड़ी देर बाद अंकित ने शीतल की साड़ी उतर दी और पति छोत को भी खोल कर शीतल के जिस्म से अलग कर दिया अब शीतल केवल के नेट वाली ब्लैक पेंटी मैं थी फिर उसने पेंटी को उतरा और साइड मैं रक्खा ोे सामने का नज़ारा देख अंकित का लुंड जटके पर झटके मरने लगा

सामने थी शीतल की डार्क ब्राउन छूट और हलके हलके पर घने बाल जो रूम की लाइट मैं चमक रहे थे ये नजारा देख कर अंकित से रहा नहीं गया और वो सीधा शीतल की छूट के पास आया और एक गहरी सास ली और शीतल के छूट की खुशबु सूंघ कर अंकित पागल होगया और सीधा शीतल की छूट पर धावा बोल दिया

और अंकित बिना रुके शीतल की छूट को चाट ने लगा

अंकित : ूईमंमं ूउम्म्म सुऊरररप्प सूउऊरररपपप सुऊरररप्प ूउम्म्म म वह ऐसी छूट तो किसिस रंडी की भीनही होगी

शीतल : तो ाअजज अपनी इस रांड की छूट मार बीटा छोड़ दाल

अंकित ने अपना शार्ट निकला उसका 8 इंच का गोरा घोडा पूरी ावुकत मैं खड़ा था

शैताल : है दिया ये इतना बड़ा कैसे होगया पहले क्या कण बड़ा था

अंकित : बस आप जैसी रंडियों की छूट की गर्मी ने इसकी जेड खोल दी है अब यहाँ आ और इसे गिला कर ताकि ये तेरी छूट की गहराई नाप सके

फिर शीतकल अंकित के लुंड को चुम ने लगी और फिर मुँह मैं भर लिया

ऐसे 5 मं ैक्सीसे लुंड चूसै के बाद अंकित ने अपनी चची को सुलगा और उसके पैर फैलाये और लुंड को छूट पर सेट किया

शीतल : चल मेरे दल्ले उतर अपनी रंडी की छूट मैं अपना लुंड वो भी एक hi बार मैं

अंकित ने एक जोरदार वार किया तो उसका आधा लुंड शीतल की छूट मैं उतर गया और अंकित ने शीतल के दर्द की परवाह न करते हुए दूसरा झटका भी मारा और ैकिट के लुंड शीतल के गर्भ से टकरा गया और इसका एहसास पते hi शीतल मस्ट होगयी

और अंकित जोर जोरसे धक्के मरने लगा

अंकित : ये ले एले एले आअह्ह्ह क्यों मेरी रंडी मज़ा आरहा आ है

शीतल : आह्हः ऐसे hi छोड़ ाः यस यस यस

अंकित : यस टेक आईटी टेक आईटी येअहहहह आअह्ह्ह यस यस ओह्ह्ह

शैताल : आअह्ह्ह बना रुके तेज़ छोड़ जितना तुझ मैं दम है उतना तेज़ धक्के मारर्र

अंकित भी जानवर ंबन कर शीतल की छूट पहले लगा

करीब 1 घंटे की चुदाई मैं शीतल 6 बार जड़ चुकी थी उसकी टाइट छूट की गर्मी ने अंकित को भी एक बार ज्यादा दिया था पर अंकित धक्के लगाए जा रहा था करीब 30 मं और छोड़ने के बाद भी अंकित धक्के मर रहा था

शीतल को अब दर्द हो रहा था

शीतल : अरे रंडी के जाने अब कितना छोड़ेगा आअह्ह्ह जलन हो रही है मुझे

अंकित : बस मेरी रंडी मेरा होने वाला है पर आज तेरी छिटका भोसड़ा बना कर hi मानूंगा आअह्ह्ह यस यस यस

फिर करि 10 मं छोड़ने के बाद अंकित शीतल के गर्भ मैं अपना लावा चोर कर पास्ट पद जाता है

और शीतल मैं तो जैसे जान hi नहीं बची थी आखिर बच टी भी कैसे इतनी भयंकर चुदाई जो हुयी थी

फिर अंकित शैताल को बाथ रूम लगाया जहा वो पेशाब कर रही थी पर शीतल ने एक सररत करि के अंकित के ऊपर मूत दिया और अंकित ने भी अपनी धार से शीतल को नहलादिया और फिर दोनों फ्रेश होकर बीएड मैं आगये अंकित अपना लुंड शीतल की छूट मैं दाल दिया और उसकी एक छू hi को मुँह मैं भर कर सो गए ये दोनों

सुबह सुबह अंकित की नींद निशा के जगाने से खुली

निशा : ोूयीय बीटा जल्दी उठ जा आज कॉलेज जाना है चल उठ जल्दी

अंकित उठा और सीधा निशा के गले मैं समां गया

निशा भी अंकित को बड़े प्यार से गले लगाती है

निशा : अब अगर मां से प्यार होगया होतो फ्रेश होजाओ मैं नास्ता रेडी करती हु चलो जल्दी और शीतल की क्या हालत बना दी बेचारी चल भी नहीं पा रही

अंकित : अब उनको hi एक दम दार चुदाई चाहिए थी मेने देदी

निशा : ककभी हमे भी ऐसे खुश कार्डो

अंकित : हां क्यों नहीं..

फिर अंकित फ्रेश होने चला जाता है

अब देखते है अंकित के कॉलेज का फर्स्ट डे केसा जायेगा

अपडेट पोस्टेड फ्रेंड

होप यू लिखे आईटी

सी यू सून

ब्बये
 
अपडेट 76

सुबह सुबह अंकित नहाधोकर रेडी हुवा और निचे आया उसको देखते hi सभी अओर्तो की छूट ने पानी की बुँदे गिरदी

निशा जाकर अंकित का माथा चुम लेती और मनीषा भी ऐसे hi करती है

निशा : हैयय कितना प्यारा लग रहा है मेरा बच्चा किसी की नज़र न लगे

मनीषा : है बीटा दीदी ने ठीक कहा बहुत ज्यादा हैंडसम लग रहे हो आज तो बिचारि लड़कीओ की हालत ख़राब होने वाली है

अंकित बस शर्माए जा रहा था अब जाहिर सी बात है लड़का होया लड़की अपनी बॉडी लुक और ड्रेसिंग सेंस की तारीफ सुन कर थोड़ा तो शर्माना बनता है

अंकित : थैंक्स माँ

निशा : अच्छा चलो अब नास्ता करलो

सब नास्ता कर hi रहे थे की आकाश और मनोज भी आजाते है

आकाश अंकित को देख कर थोड़ा शौक होजाता है

आकाश : बीटा एक दम हीरो लग रहा है पर मैं एक बात से हैरान हु

अंकित : वो क्या डैड

आकाश : वो दरअशल रुक मैं कुछ लेकर आता हु तुझे खुद पता चल जायेगा

ये बोल आकाश रूम मैं चला जाता है और एक वॉरड्रॉप खोल कर उसमे से एक फोटो निकल कर निचे आजाता है

आकाश : ये देख शायद इसे देख कर तुझे कुछ समाज आजाये

ये बोल आकाश ने फोटो अंकित को दी

अंकित भी देख कर हैरत से उसकी आखे बड़ी होगयी

बाकि सब भी उस फोटो को देखते है क्यों ये फोटो आकाश की कॉलेज वाले दिनों की थी और अंकित और आकाश का चेहरा 99% शामे तो शामे था

अंकित : वाओ डैड इसका मतलब आप भी जवानी मैं मेरे जितने hi हैंडसम थे अरे थे क्या अब भी है

आकाश : थैंक्स बीटा अच्छा बीटा वो कॉलेज हमारा hi है अगर कुछ गड़बड़ होतो घबराना मत

अंकित : सूरे डैड पर मैं जब तक जरुरी न हो तब तक मैं अपनी रियल आइडेंटिटी रेवेअल नहीं करूँगा मैं वह एक रिच स्टूडेंट बन के hi जाऊंगा पर जब तक जरूर नहीं पड़ेगी मैं ये नहीं बताऊंगा की मैं आपका बीटा हु जरा देखु तो हमारे कॉलेज मैं नेपोटिस्म है या नहीं

मनोज : जरूर और भैया आप भी क्या लेकर बैठ गए हमारा बीटा सब संभल लेंगे और आप जल्दी नास्ता करिये हमारी आज

A.S.compney के साथ मीटिंग है

आकाश : है ठीक है और नेहा बीटा

नेहा : जी डैड

आकाश : बीटा अब तुम्हारी पढाई तो पूरी हो चुकी है तो क्या अभी कुछ सोचा है तुमने

नेहा : डैड मैं अभी घर पर बैठे बैठे बोर होगयी हु तो मैं सोच रही थी

आर ( अवंतिका आकाश रावल) इंटरनेशनल स्कूल है हमारा मैं वह बच्चो को पढ़ना चाहती हु मुझे इसमें बाउट मज़ा आता है मैं जानती हु मैं एक बिजनेसमैन की बेटी हु पर मेरा हंमेशा से ये सपना था की मैं छोटे बच्चो के साथ राहु उनके साथ टाइम स्पैंड करू और उन्हें अच्छा नॉलेज दू मैं जानती हु डैड की ये एक बिजनेसमैन की बेटी के हिसाब से ये बाउट की लौ क्लास का सपना है पर मैं हंमेशा से ये करना चाहती हु और मेरा एक मकसद जो भाई ने बताया वो भी है की मैं जान न चाहती हु स्कूल मैं कितना नेपोटिस्म एडजस्ट करता है इसी लिए मैं वह अस ा टीचर hi जाउंगी

आकाश : बीटा ये तो बहुत hi अच्छी बात है और बीटा एक बात हंमेशा याद रखना सपनो का कोई क्लास नहीं होता मैं आज hi बात करके वह तुम्हारा ज्वाइन करवा देता हु

फिर सब नास्ता करलेते है और रूम मैं जाते है आकाश और मनोज निकल गए थे

मोनिका भी हल्का सा तैयार होती है

अंकित नेहा के रूम मैं जाता है

अंकित को देख कर नेहा बोली

नेहा : भाई क्या हुवा कुछ काम था का

अंकित : क्यों क्या मैं आप के रूम मैं सिर्फ काम के लिए आसक्त हु वो मैंने सोचा अभी मोनिका दीदी वह है तो मैं आपसे एक परमिशन लेने आया था

नेहा अंकित के गले मैं बहे दाल कर

नेहा : किसी परमिशन

अंकित : दीदी आपको तो पता हज मैं आज कॉलेज जा रहा हु और ी ऍम दम्म सूरे के वह मुझे लड़किया मिलेगी hi मिलेगी मैं बस ये कहता हु की आप अगर परमिशन दे तो क्या जो लड़की खुद मुझे सामने से अपना जिस्म दे क्या मैं उसे इंटिमेट होसकता हु क्यों की मैं आपसे प्यार करता हु इसी लिए मैं पेर्मिशन्स लेने आया और ट्रस्ट्स में दीदी मैं किसी और से प्यार नहीं करने वाला सिवाय आपके और रक्षा के

नेहा अंकित के गालो पर किश करके

नेहा : भाई मैं जानती हु तुझे देख कर उनसे कंट्रोल नहीं होगा इसी लिए मेरी तरफ से फुल परमिशन है क्यों की मैं जानती हु अगर तू मुझे सिर्फ कहने केलिए प्यार करता तो यहाँ मुझसे परमिशन लेने नहीं आता ी लव यू भाई ी लव यू सो मच

अंकित भी नेहा को बहो मैं कास लेता है

अंकित : ी लव यू तू माय स्वीट दीदी

फिर अंकित और निचे आता है और गाड़ी निकलता है और मोनिका जब निचे आती है अंकित उसकी खूबसूरती देख पागल होजाता है पर कंट्रोल करता है फिर ये दोनों निकल पढ़ते है कॉलेज की तरफ

यहाँ N&M. र ( निशा एंड मनीषा रावल) इंस्टिट्यूट ऑफ़ कॉलेज मैं सीनियर कॉलेज मैं hi थे और फरहर की रैगिंग ले रहे थे

और यहाँ एक नेपोटिस्म का ग्रुप भी था जिसमे तीन लड़के और 3 गर्ल थी

ल1 : यार मज़ा आज्ञा सिर्फ इतने फ्रेशर की रैगिंग लेकर

ग1 : अरे बेबी अभी तो और भी फ्रेशर आएंगे

ल2 : है सही कहा आपने भाभी हमारे राहुल भाई सब की रैगिंग लेंगे क्यों भाई

ल3 : अरे नहीं तो क्या रअपने राहुल भाई का hi तो राज चलता है कॉलेज पर

ग2 : (ल3) अवि पर अगर किसी ने कम्प्लेन करदी तो

ग1 : अरे बुद्धू रिया तुम बुद्धू hi रहोगी प्रिंसिपल सर हमे कुछ नहीं कहेंगे क्यों की ये हैना हमारा (ल2) ऋषि ये ुशिका बीटा हज तुम हमारे साथ एक साल से हो और तुम्हे पता hi नहीं है

ग3 जिसका नाम सोफिया था वो कुछ नहीं बोली

यहाँ स्माल इंट्रो

राहुल : ये एक no का बिगड़ा हुवा घटिया इन्शान इसने और इसके बापने आज तक न जाने कितनी लड़कियों का रपे किया और कितने hi कॉलेज मैं ड्रग्स के जरिये कितने hi युथ की जिंदगी बर्बाद करदी और रही बात इसके बाप की तो वो इस जगह का चेइफ़ मिनिस्टर है और इसी का घंड है इसे राहुल का बाप ज्यादा पढ़ा लिखा नहीं है इसे बस खुरसिका पावर कैसे उसे करे यही आता है पर इस चूतिये को एक बिजनेसमैन की पावर का रत्ती भर भी खोलेघड़ नहीं है

ऋषि : ये भी एक बिगड़े बाप की बिगड़ी ायलद है और राहुल ऋषि के बाप की मदद से hi ड्रग करो आर इस कॉलेज मैं चला रहा है और ऋषि भी दूध का धुला नहीं है इसने कितनी hi लड़कियों का ड्रग के नशे मैं मंस बनके ब्लैक मेल किया हज

और आखिर मैं

अवि : ये भी एक no का बिगड़ा हुवा है इसका बाप इस स्टेट का दिग है इसी लिए ये भी दिल खोल कर गुंडा गर्दी करता है किसी भी लड़की को चेरना जबरदस्ती करना ये सब इसके लिए आम बात है इसके पहले ये दूसरे शहर मैं था पर इसे अपने आदमीओ के जरिये पता चला की मोनिका दूसरे सहर मई. आगयी है तो ये भी अपने बाप को बोल कर उसका ट्रांसफर इस शहर मैं करवा लिया और इस सहर मैं रहने आगया

यहाँ लड़कीओ को का बाटाडू की वो सिर्फ गलत सांगत का शिकार है

ग1 रेशमा : ये एक आमिर बाप की लड़की है और इसके बाप 4 पेट्रोल पंप और दो 5 स्टार होटल का मालिक है फिगर 34 28 36

इसका बाप एक अच्छा इन्शान हज

रिया : अपने माँ बाप की लड़की ये भी गलत सांगत का शिकार है इसका बाप के कार्स के 3 शोरूम्स है इसके पास पैसे की कमी नहीं है फिगर 30 28 32

और सोफिया : ये भी अपने बाप की एक लौटी ायलद है अवि से प्यार करती है पर बोल नहीं पायी सोफिया भले hi इनके साथ बैठ टी है पैर ये डरपोक हज और इसके बाप की 2 ज्वेलरी शॉप है फिगर साइज 36 28 34 इसकी गांड छोटी है पर बूब्स बहुत बड़े है

अब फिगर अपने अंकित भाई देख लेंगे हम स्टोरी पर आते है

यहाँ कॉलेज मैं पहले एक ऑडी रस7 एंटर करती है

जिसमे से आर्यन निकलता है आर्यन भी कोई काम हे हैंड सम नहीं था कुछ लड़किया आर्यन को ताड़ ने लगते है

फिर वह एक रेंज रोवर एवोके एंटर करती है जिसमे से कारन निकलता है कारन भी हैंडसम था पर वो बूकेड था और उसकी कार मैं से रक्षा, जूही और अनन्य बहार आती है

लड़के भी तीनो लड़कीओ को देख कर सभी लड़को पेण्ट मैं टेंट बन चूका था

आर्यन : देखो तो लड़कीओ कैसे ये सब कमीने तुम्हे ताड़ रहे है

तीनो : ताड़ ने दो वैसे भी इनकी यहाँ दाल नहीं गलने वाली

कारन : वो तो है पर यार हमारा हीरो कहा है

अभी वो ये बोलै hi था की

तभी वह एक रेड फेरारी 488 एंटर करती है सबलोगो की नज़रुसि पर टिक जाती है और नज़र जाये भी क्यूना आखिर यहाँ जितने भी आमिर बाप के आते है उन सब की औकात बस बंव मेरसेदेज़ या ऑडी तक की hi थे पर हमारे अंकित भाई सीधा फेरारी लेके घुस गए

अंकित ने गाड़ी को पार्क किया और लेफ्ट साइड का दरवाजा खुला और मोनिका बहार आयी

मोनिका को देख कर तो सभी लड़के आहे भरने लगे लेकिन जब अंकित गाडी से निकला तो लड़कीओ. की छूट hi पनिया गयी

आखिर अंकित था hi सब से अलग एक बॉडी फिट ऑउटफिट और ब्लैक गॉगल्स उसे और हैंडसम बना रहे थे

वो यहाँ अपनी गैंग के पास आते है

यहाँ अनन्य की एक बार तो रक्षा की छूट से भी पानी निकल गया

जूही : हाय अंकित यू लोक्किंग तू हॉट एंड सेक्सी पर मैं अपने कारन से बहुत खुश हु

रक्षा : है यार यू लुकिंग वैरी हैंडसम

अंकित : थैंक यू

रक्षा के चेहरे पर मुस्कान तैर गयी क्यों आज बहुत टाइम बाद अंकित ने उससे बात की थी

फिर ये लोग जा रहे थे लेकिन यहाँ सीनियर गैंग मैं भी खलबली मचा कर गए थे

ऋषि : हाय ये क्या लड़किया है स्पेशली वो फेरारी वाली वो क्या मस्ट थी

अवि : आईए उसे देखना भी मत वो मोनिका सिर्फ मेरी है

राहुल : अवि क्या तू उसे जनता है

अवि : है वो मेरे साथ स्कूल टाइम से है वो सिर्फ मेरी है बाकि का आप देखलो

राहुल : ठीक है उसे हम तेरे लिए चोरते है पर बाकि तीन भी बड़ी मस्ट है उन्हें तो एक बार रगडूंगा hi पर अवि हम उस मोनिका से इंट्रो तो जरूर लेंगे

अवि : इंट्रो तक ठीक है राहुल भाई बाकि कुछ नहीं ok

राहुल ठीक है

यहाँ रेशमा रिया और सोफिया की छूट मैं बाढ़ आगयी थी

रेशमा : सुनो तुम दोनों तुम दोनों कुछ भी करो पर वो मोनिका के साथ वाला लड़का सिर्फ मेरा है कितना हैंड सम था और बॉडी कितनी सेक्सी थी

रिया : क्यों सब अच्छी चीज़े सिर्फ तुम hi नहीं ले सकती उसे तो मैं अपना बनाउंगी

रेशमा : चुप कर वो सिर्फ मेरा है

सर सब लोग क्लास मैं जाते है इस बात से अनजान के आज ये लोग रेक्सेसे मैं जब कर खाने वाले है

अपडेट पोस्टेड भाईलोग

ी होप यू लिखे आईटी

सी यू सून

ब्बये
 
Back
Top