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Part - 9 (राजवंश)
आर्यन ने पुष्प को फ़ोन मिलाया तो पहली रिंग में उठा के बोली," कहाँ हो आप..... कुंवरजी , सब सू गए हैं जल्दी से ऊपर आ जायो तीसरी मंजिल पे में जीने पे मिलूंगी आपको ".
राजमहल के तीसरे फ्लोर पे सबसे कोने के 2 कक्ष में राजा जबर सिंह की रानियों का लेडीज पार्टी के बाद डेरा था , जबर सिंह आज रात वैसे भी नहीं आएगा यह तीनो को गायत था .
एक कक्ष में बड़ी रानी यानि कावेरी थी और दूसरे में जवाला और पुष्प ..... पुष्प को भी पता था कावेरी अकेले में आर्यन से संसर्ग करेगी जबकि जवाला उसके सामने भी मिलान कर लेगी .
पुष्प सबसे छोटी थी जोह आर्यन को भी बहोत पसंद आयी और दोनों जानते की कल का मिलान पहला जरूर था पर आखिरी नहीं. पुष्प भी अपने नए प्रेम साथी के प्यार में डूबने लगी थी , सुबह से उसको आर्यन चाहिए था कुछ वक़त अकेले में साथ बिताये पर उसको देखकर hi दिल को समझा लेती. आज आधी रात के बाद hi आर्यन आ पायेगा तोह उसने भी सब तयारी कर ली थी.
पहले में फिर जवाला दीदी और लास्ट में कावेरी दीदी ...... आर्यन से फ़ोन पे बात कर वह जवाला को उठा दी ," आर्यन आ रहा है आप दुसरे कक्ष में जाओ दीदी के पास" .
जवाला ," में यहीं चुप के देख लुंगी तुमको कोई डिसट्रब भी नहीं होगा ".
पुष्प ," अरे दीदी आप दोनों उससे अभी ढंग से मिली भी नहीं हो फिर वह आप दोनों के सामने झिझक भी सकता है . आप ऐसा करो में दोनों कक्ष के बिच का दूर लॉक नहीं करुँगी मौका देखकर आप चुपके से आ जाना और हाँ बड़ी दीदी तो अकेले में करेगी पहले hi बोल चुकी हैं .
जवाला भी मैं मार के दुसरे कक्ष में चली गयी और पुष्प आर्यन को बुलाने ...... मगर जवाला उत्सुकतावश बिच का दूर बस भिड़ा के वापस कक्ष की अलमारी में चुप गयी ताकि आर्यन का हथियार और चुदाई देख सके .
इधर 15 मं पहले एक बड़ा सा बूरा (सक) चाय ( 2ंद no की दानव कन्या) पुष्प के कक्ष की एक अलमारी में रख गयी की सुबह ले जाएगी . पुष्प ने पुछा तो बतया की उसको सिल्फकारी का सेवक है तो मूर्ति बनाने का भरी सामान है कल सुबह सुबह छत्त पे मूर्ति बानगी ......
पुष्प कुछ जिगसॉ से ," पर चाय यह बहोत भरी भरकम लग रहा कहीं किसी इंसान तो नहीं शिकार कर लायी ?"..... कल रात तीनो भेने पुष्प के सामने उसकी ख़ास दासी बिंदु को खा गयी थी ज़िंदा .
चाय ने खुद बुरे का मोह खोला देख लो बस कच्चा सामान है और सच्च में बुरे के अंदर मूर्ति बनने का सामान था , अलमारी में रखकर बोली पूरी अलमारी बंद नहीं होगी ऐसे hi रहने दो. वह चली गयी पर पुष्प को पता न चला िश दानव कन्या की चाल ..... बुरे में जबर सिंह बंद था और चाय के जादू से पुष्प को मूर्ति बनने का सामान दिखा , मगर हाथ प्यार और मोह मंतर से बंधे थे तो सांस ले सकता मगर पढ़ भी न सकता था, ना hi हिलडुल सकता था , ऊपर से बुरे का मोह खोल उसका सर बहार था कक्ष का बिस्तर बिलकुल सामने .
अभी अभी उसने अपनी दोनों छोटी रानी पुष्प और जवाला की बात सुनी तो उसके तरपान तक हिल गए...... (अपने से मैं में बात करता हुआ ) ...... यह पुष्प िंह दोनों के साथ मिलकर यानी आर्यन से छुड़वाने वाली हैं ...... यह क्या घोर अनर्थ कर रही है? साली ुष डाइयाँ चाय ने यह जांभोज के किया है ? कही तीनो औरतें और आर्यन पे जादू तो नहीं कर दिया , नहीं नहीं आर्यन पे जादू कहाँ असर करेगा ?
तभी मैं में चाय की हसी की आवाज सुनाई दी ," जबर सिंह , आज अपनी तीनो रानियों का रान्दीपना देख की कैसे आर्यन की बाँहों में व्यभिचार करेंगी , हाँ मैंने चरों को चुपके से कामोत्तेजित शरबत पीला दिया है देखना चरों बस हवसी की तरह तेरी आँखों के सामने एक दुसरे को नोचेंगे और तू कुछ नहीं कर पायेगा ...... है है है है ...... बहोत शौक है न कुवारी लड़किया खरीद के छोड़ने का और तेरा नया होने वाला जीजा, आर्यन, को भी पता नहीं चलेगा यह मैंने किया है ...... है है है है ...... मेरा जादू कोई नहीं तोड़ सकता , आँख खोल के देखना कहीं बेहोश मत हो जाना ....... है है है है "....... बहोत डरवाना अथश था िश डाइयाँ का जबर सिंह को बस आर्यन पे विश्वास था की वह बहोत सरीफ है मेरी छोटी भें लीला hi उसके पीछे पड़ी है फिर भी कुछ गलत नहीं किया , पुष्प फ़िदा हो गयी है आखिर इतना हैंडसम है पर आर्यन गलत नहीं करेगा तभी तो कल रात भर बुआ ( मिरदुला) के कक्ष में सूता रहा जबकि बिंदु कुछ और hi बता रही थी , यह सूचना चाय ने आज सुबह उसके एक आदमी का रूप बदल के दी थी .
आर्यन िश डाइयाँ को जरूर दानन्द देगा ऊपर से पिताजी ( रघुभार सिंह ) को भी आज रात hi राजगुरुजी के साथ वापस आश्रम जाना था ....... मगर उसकी आंखें फटी की फटी रह गयी जब देखा की पुष्प एक ghaghra-choli में अपनी टांगें आर्यन की कमर में लपेटी उसकी गॉड में झूलती उसको चूमती हुयी कक्ष में अंदर आये .
आर्यन के हाथ जबर सिंह की सबसे जवान बीबी पुष्प के दोनों खुल्हो को घागरे के ऊपर से मसल रहा थे उसके होंठो को चूमते हुए," पुछःह पुछठ चुम्म्म चुम्म मुहह्ह्ह्ह मुह्हह्ह पुछःह पुछठ ारयणणणणणण सीईइईसीईई हम्मम्मम्मम्म ....... "
यह सिसकियाँ जबर सिंह के कान में पिघले लोहे की तरह अंदर जाकर दिल की बेचैनी बढ़ा दी ...... उसको वह hi सुनाई देने वाला था जोह चाय उसको सुनना चाहती थी .
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मीणा को आर्यन ने बतया की वह तीनो रानियों को छोड़ेगा जबर सिंह के सामने तब मीणा भी हामी भरी फिर पार्टी में चाय को समझा दिया की अपनी पावर उसे करना जबर सिंह को ऐसा लगे तुम बदला ले रही हो उसके जवान लड़कियों को खरीदने का और वह चरों तुम्हारे वशीभूत होकर रंगरलियां मन रहे हैं इसे दो काम होंगे जबर सिंह को सजा भी मिलेगी अणि और सारू मम्मी पे बुरी नियत डालने की और उसकी बीवियां भी प्रेग्नेंट हो जाएँगी अनजाने में .
चाय ," मीणा क्या में उन चरों पे जादू करूँ ?"
मीणा हसकर ," किसी पे मत करना आर्यन पकड़ लेगा, हाँ उन्ह तीनो रानियों की झिझक ख़तम कर देना और उनकी छुपी hi चाहत आज ुष बिस्टेर पे बेशर्म होकर दिखाई दे ".
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इधर जोश से पुष्प उसके लबों को चूमते हुए बोली ," में बहोत तड़प रही आर्यन जल्दी से मुझे प्यार करो बड़ी मुश्किल से मौका मिला है हमको फिर तुमको 2 सरप्राइज भी दूंगी"...... आर्यन भी जानता था की अपनी दोनों बड़ी सौतन की बात कर रही पुष्प भाभी .
आर्यन ने गॉड में लिए hi कक्ष का दूर लॉक किया और बिस्टेर पे बैठकर अपनी गोदी में छड़ी पुष्प भाभी को bola,"Kahin कोई आ न जाये यहाँ आपको ढूंढता , फिर जबर सिंह जी या गए तो ".( जबकि उसको बुरे में बंद जबर सिंह नज़र आ गया था , चाय ने सही इलाज किया है इसका साला ठरकी )
पुष्प ने अपनी चोली के ऊपर उसका हाथ रखकर अपनी सीढ़ी चूची थमा के बोली," कोई नहीं आएगा और राणा सा तो किसी रंडी के अंदर बेसुध पड़े होंगे , तुम बेफिक्र रहो आर्यन बस आज मुझे बुरी तरह से रूंध डालो, प्लीज तुम कल चले जाओगे मुझे कई दिन तक तुम्हारी याद रेहनी चाहिए ".
आर्यन ने उसकी दोनों चूचियां कसकर दबा दबा के किश करते हुए उसकी चोली उतर के घागरे का नाडा भी ढीला कर दिया, अंदर न ब्रा थी न पेंटी .....
आर्यन से अलग होकर फर्श पे कड़ी बिलकुल नंगी कामुक बदन वाली पुष्प भाभी ुष्पर अपने हुस्न की बिजली गिरा रही थी.
अपना घाघरा प्यारों से दुर्र छिटक कर आर्यन के नजदीक जा उसके सर को पकड़ के अपनी चूची पे उसका मोह भिड़ा के बोली ," अच्छे से चूसो मेरे छाती को बहोत अकड़ी रहती है ...... siiiiiiiiiiiiii जोर जोरसे दबा के इनको ढीला कर दो ...... हैंण्ण्ण्णन ऐसे hi ...... मुझे अपने बच्चे की माँ दे आर्यन मुझे तेरा बीज अंदर चाहिए ".
आर्यन उसकी गांड मसलते और छूट में ऊँगली पेलता बस चूचियों को hi चूसे जा रहा था और पुष्प तो आज ज्यादा hi चिल्ला रही थी बेशर्मी के साथ ताकि उसकी सौतन को भी पता चले असली मर्द होता क्या है .....
उनकी मस्ती देखकर जहाँ उसकी दो सौतन की छूट पिण्या गयी थी झीरी से देखकर और वहीँ बेबस उसका पति जबर सिंह तोह अपनी छोटी बीवी की खुले आम आर्यन को उकसाने और अपनी छुडास भुजने के लिए पगलाई लग रही थी ......
जबर सिंह भी जानता था पुष्प एक शोला है बिस्टेर में जिसको वह भी नहीं संभल पता ...... मैं hi मैं दुआ कर रहा था आर्यन बीटा कुछ कर यह तीनो तुझे दलदल में फसा देंगी ुष चुडिअल चाय के कारन . अरे करमजली यह तुम्हारे बेटे की उम्र का है, दीप्ति का होने वाला पति इश्को पापी क्यों बना रही हो भगवन भी तुमको माफ़ नहीं करेगा .
कावेरी को 5 मं hi हुए तो दुसरे कक्ष से बिच वाले दूर से हल्का सा खोल के झांकते हुए वहीँ जवाला तो शुरू से अलमारी में चुप्पी हलकी सी जिहृ बना के अपनी छूट रगड़ रही थी सिर्फ पेटीकोट और ब्लाउज में चड्डी के अंदर से, आर्यन और पुष्प की मस्तियाँ देखकर ...... दोनों से रुका नहीं जा रहा था पर आगे जोह होने वाला था वह तोह कटाई hi नहीं रुकने न देने वाला था ......
चूची पिलाते हुए पुष्प ने आर्यन की t-shirt और बनियान निकल दी बाकी भी उसकी मस्कुलर बॉडी और हॅंडसमेनेस्स देखकर चकित थी बिलकुल देवताओं सा सरीर कितना हस्तपुस्त गोरा चिट्टा है पर अभी शॉक के साथ बेहोश होने की बारी थी .......
निच्चे झुकार आर्यन के सीने पे किश करती पुष्प बोली ," मेरा गिफ्ट तो बहार निकालो "...... और लोअर के मोठे उभर को ऊपर से सेहला दी .....
आर्यन भी शर्माता हुआ ," आप खुद hi निकाल लो मुझे शर्म आ रही है "...... एक हाथ से लुंड को लोअर के ऊपर से दबा के ," ऐसे शरमाते रहे तो अपना सरप्राइज कैसे संभल पयोगे , आर्यन आज तुम मुझे लवर नहीं बल्कि एक प्यासी रंडी की तरह पेलो ताकि मेरे पति को भी पता चले मुझ में भी एक रंडी रहती है जिसको वह कभी जगा नहीं पाया ".
आर्यन का लोअर उतरा फिर उसको खड़ा करके खुद घुटनो पे बैठकर चरों और का जायजा लेकर समझ गयी साली दोनों आ hi गयी हैं मेरे आर्यन को देखने.... त्यार हो जायो चैनलों बेहोश हो जायेगी , आज तुम्हारी छूट hi फड़वा दूंगी आर्यन से .......
अंडरवियर में बने तम्बू से आर्यन का हथियार जबरदस्त बड़ा लग रहा था पर अंडरवियर जैसे hi पुष्प ने निच्चे सरक्या तोह सफ़ेद तगड़ा एनाकोंडा, एक फट लम्बा 5 इंच मोटा , निचे होते अंडरवियर से सर उठा के स्प्रिंग की तरह उछलता हवा में लहरा तो पुष्प भी डर गयी उईईईईई माआआआआ यह तो कल से ज्यादा भयानक लग रहा है .......
इधर 2 आवाजें हुयी , कड़ी कड़ी दोनों सौतने शॉक से इम्बैलेंस हो फर्श पे गिरी एक अलमारी से दूसरी साइड वाले रूम के दूर से अह्हह्ह्ह्ह , ारीई मायआ ......
जबर सिंह के चेहरे का रंग hi ुध गया , यह क्या बाला है इतना बड़ा गोरा लौड़ा बिलक्यूल अंग्रेजों जैसा ......यह आर्यन इंसान है या घोडा ..... बाप रे कोई भी हज़ारों बार चूड़ी रंडी भी मर जाएगी छूट में लेकर ....... सबके इमेजिनेशन और मिथ hi थोड़ डाली "तोपची" के विकराल दर्शन ने ...... जबर सिंह तो डर से पसीने पसीने हो गया ...... ऐसा लगा मेरी बीवियों की छूट नहीं मेरी गांड मरने वाली है .
दोनों रानियों को देखकर नाटक करते हुए आर्यन ने झट से अपना अंडरवियर और लोअर ऊपर कर लिया ...... पुष्प भी अपनी दोनों सौतन को देख हैरान थी इनको भी सबर नहीं है हो गया बेडा गरक .
कावेरी सँभालते हुए कड़ी हुयी जोह एक सूंदर घाघरा चोली में थी पूरी make-up किये तैयार ," यह क्या पाप कर रहे हो तुम लोग और तू जवाला ुष अलमारी में चुप के क्या देख रही थी ,इनको रोकी भी नहीं ".
जवाला भी संभल गयी थी और कड़ी हो गयी मगर प्रचंड लुंड को देखकर शॉक अभी भी था क्या वह इतना बड़ा था यह पुष्प कैसे अंदर ले ली , नहीं नहीं साली झूट बोली मुझसे मगर जिस तरह से आर्यन का हथियार बहार निकला उससे लगा तो था वह उसको ले चुकी है ....... हे राम आज पहात जानी है हम तीनो की कहीं कल मूचि बुलाना पड़ेगा अपनी फटी छूट सिलवाने के लिए .
पुष्प अपना मैं कड़ा करके आर्यन के खड़े लुंड के उभर पे हाथ फेर के बोली," बड़ी दीदी, छोटी दीदी , आप दुसरे कक्ष में जाओ मुझे बस अब बाँझ स्तब्ध को अपने नाम से हटना है और आर्यन मेरी मदद कर रहा है ...... में कल आप लोगों से बात करुँगी बड़ी मुश्किल से में इश्को राजी करके लायी हूँ".
आर्यन भी ड्रामा करता हुआ ," देखिये गलती हो गयी और पुष्प भाभी आप भी माफ़ कर दो में चला जाता हूँ "..... और पलट के अपनी t-shirt और बनियान उठा लिया तो जवाला भी ताश में आ गयी ," नहीं नहीं तुम कहीं नहीं जाओगे , आर्यन मुझे भी बाँझ स्तब्ध के कलंक को मिटाना है "...... वह आर्यन के पास जा उसके कमर में हाथ दाल के पीछे से लिपट गयी.
तब कावेरी ने भी बिच वाला दरवाजा बांध करके कहा ," हम सब ये कलंक मिटायेंगे चाहिए यह पाप hi क्यों न हो और ुष गांडू जबर की गांड में मिर्ची भी लगनी चाहिए की झंटू बजरू औरत की गंदगी में पड़ा था और हम तीनो को हमारा छोटा नन्दोई माँ भी बना गया ".
पुष्प कड़ी होकर ," फिर कपडे तो उतरो जीजी तभी नन्दोई की सेवा कर पाएंगे "....... hi hi hi hi hi ...... एक गए और समझौता करती तीनो को आर्यन आज रात हर हाल में अंदर चाहिए था क्योंकि पोल तो तीनो की आर्यन के सामने खुल hi चुकी थी की तीनो राजी हैं तो जिसने की शर्म उसके फूटे करम .
आर्यन भी कातिल मुस्कान दिए हुआ कहा," आपके पति मुझे जान से मार देंगे बड़ी मुश्किल से मैंने दीप्ति को पाया है बात खुली तो में कहीं का नहीं रहूँगा".
जवाला जोह आर्यन से चिपकी हुयी थी अपना हाथ लोअर से अंडरवियर में दाल आर्यन का मोटा लौड़ा हाथ में थाम ली थी ......
पुष्प ने आर्यन की नंगी पीठ पे हाथ फेर के कहा ," देखो आर्यन हम सब तुम्हारी बड़ी भाभियाँ है रिश्ते से फिर हम किस बहार के आदमी के पास नहीं आयी हैं , बच्चे के लिए तुमसे मिलान इशलिये कर रहे क्योंकि तुम्हारे बच्चे महिमा और राहुल बहोत सुन्दर है और फिर क्या तुमको अच्छा लगेगा तुम्हारी भाभी को सब बाँझ कहें ...... तुमको हमारे पति का डर है तो सुनो कल सबके सामने हम तीनो को बाँझ कहकर बेइज्जत किया, खून के आंसूं रूए हम तीनो फिर हम ने तुमको चुना . तुम कल चले जाओगे यह बात यही ख़तम हो जाएगी मगर सायद हम अपने को पूरी औरत दुनिया के सामने साबित कर पाएंगी खासकर अपने नपुंसक पति को ".
जवाला आर्यन की कमर पे अपना चेहरा रगड़ती उसकी पीठ पे रगड़ती लुंड को हिलती चूम भी रही थी की उसका जोश काम न हो ," आर्यन तुम बहोत सूंदर हो मैंने तुम्हारे जैसा मर्द नहीं देखा, आज तक मैंने अपने पति के अल्वा किसी मर्द को हाथ नहीं लगया पर आज कुछ तो मजबूरी होगी हम तीनो अपना पतिव्रता धरम तोड़कर तुम्हारे सामने बेशर्मी से बच्चों की भीख मांग रही है ".
आर्यन ने पलट के प्यार से तीनो के बारी बारी गाल चूमे ," ठीक है भाभी जी में आपके सर किसी के आगे शर्मसार नहीं होने दूंगा पर आप हाथ तो निकाल लो अंडरवियर में वैसे hi जगह काम है"...... है है है है ......
कावेरी और पुष्प भी जवाला का हाथ आर्यन के लोअर के अंदर देखि तो हसने लगी , कावेरी ने एक धप्प मारा उसकी कमर पे ," आर्यन मेरी िश सौतन भें जवाला में सबसे ज्यादा गर्मी है इश्के नाम की तरह , हमारे पति को भी अपनी तंगिओं में दबाये पड़ी रहती है , चल उसको अपने हिसाब से करने दे ".
आर्यन हसकर ," ठीक है फिर आप डीडे करो एक साथ या अलग अलग प्यार करना है ".
जवाला झट से ," एक साथ आर्यन हम चरों एक साथ प्यार करेंगे , भगवन ऐसा मौका फिर कभी दे न दे क्यों पुष्प ?"
आर्यन ने सबसे पहले जवाला को उठा लिया फिर बीएड पे लिटा के उसको चूमते हुए उसका ब्लाउज , पेटीकोट , ब्रा , पेंटी निकाल के नंगा कर दिया फिर कावेरी की तरफ बढ़कर उसको गॉड में उठाया बीएड पे बैठे बैठे hi तोह वह भी उसकी ताकत का लोहा मान गयी , 80 कग के करीब होगी सब कुछ बड़ा बड़ा , किश करते उसके पूरे सवाल चेहरे को चाट के उसकी बड़ी बड़ी गांड और चूची मसल मसल के लाल कर दी नंगा करते हुए ..... उसके कान में बोलै ," भाभी आपकी गांड भी मारनी पड़ेगी क्या मस्त है लगता है खूब म्हणत हुयी है "......
कावेरी आर्यन के गाल चूमते हुए ," तेरा मुसल पहाड़ देगा मेरी पर बीज मेरे आगे hi डालना "......
आर्यन तो इतना खुश हुआ की पूरा सरीर चूम डाला कावेरी का , बिलकुल उसकी दादी देवी की कॉपी होगी ...... तरबूज के साइज की गांड और कच्चे नारियल के साइज की बड़ी बड़ी चूची मसल गदरा पेट भरी कमर ..... थोड़ा कलर सावला था पर आर्यन तेरा कलर ब्लाइंड .
आर्यन भी अपना डेजर्ट कावेरी को आखिरी में खाना चाहता था तो कान में बोलै," आपको लास्ट में प्यार करूँगा ताकि बहोत डिअर तक करूँ "...... यह दोनों आपस में भिड़े थे उधर आर्यन के लोअर और अंडरवियर उतर के उसको नंगा कर दोनों छोटी रानियां उसके प्रचंड लुंड और बड़े अमरूद जैसे तटों से खेल रही थी......
जबर सिंह तो आज अपनी तीनो बीवियों की गालियां और आर्यन को इमोशनली राजी कर लेने पे गहरे शॉक में था , अगर ठीक होता साली तीनो को काट के कुत्ते को खिला देता ...... मजबूरी ने क्या से क्या बना दिया ..... अभी सिर्फ 2:30 बजा था और उसकी तीनो रानियों ने आर्यन को सीधा बीएड पे लिटा दिया था दोनों छोटी बारी बारी उसका लुंड चूस के मजा कर रही थी वहीँ कावेरी को आर्यन अपने मोह में बिठा के उसकी चूचियां दबा दबा के छूट चूस रहा था ......
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राजा जबर सिंह की 3 नंगी रानियां .....
1) रानी कावेरी ...... आगे 44 यरस, सवाली और हटती कटती , फिग 40- 36- 42 , हट 5' 9" , नेचर की दबंग पर केयरिंग .
2) रानी जौला ...... आगे 37 यरस , सबसे गोरी , जबरदस्त फिग 38-30-38 , हट 5'6" फट , चुलबुली और मजाकिया ......
3) रानी पुष्प ..... आगे 32 यरस , सूंदर , फिगर 36- 30- 38 , हट 6 '1" फट , सबसे लम्बी और बिंदास नेचर वाली .......
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आज तोह तीन अलग अलग उम्र की और अलग अलग जिस्म की औरतें आर्यन के साथ बिस्टेर पे थी , उसको भी अंदाज़ा नहीं था की तीनो सरीफ रानियां इतना कामुक और खुला मजा भी ले सकती है . तीनो की छूट खुसी के आंसूं बहा रही थी वहीँ पति खून के आंसूं बहा रहा था पर साला था बहोत बड़ा ठरकी , बीवियों को इतना बड़ा लौड़ा चूसता देख खुद का लुंड भी खड़ा हो गया पर खुला होता कमसे काम मुठ hi मार लेता ...... एक तरफ उसके मैं में जिगशा थी यह तीनो इश्को अंदर नहीं ले पाएंगी और उसको घिन आ रही थी आर्यन कैसे कावेरी की काली छूट और गांड चाट रहा है चींईईई साला में बगैर थूके hi छूट छोड़ता आया हूँ यह आर्यन को िश कालवी में क्यों इतना इंटरेस्ट आ रहा है .
आज सच्च में तीनो रानियों को अपना असली राजा मिल गया था जोह तीनो को एक hi बिस्टेर पे प्यार करने वाला था मगर यह भी आर्यन का सात्मिना नहीं जानती थी लेडीज पार्टी में आयी साड़ी औरशन लड़कियों को अकेला hi संभल लेता यह तो सिर्फ तीन घरलू औरतें थी .
जोहरी hi हीरों की कदर और कीमत जानता है , कावेरी अपनी गांड भी मरवा ली कितनी बार जबर सिंह से पर उसको काम hi अच्छी लगती कलर की वजह से पर बहोत प्यार करने वाली चीज़ है आर्यन पहली बार में पहचान गया ...... जितना खुश कावेरी को करोगे उल्टा डबल खुश करेगी ...... जवाला बहोत कामुक थी उसको सेहलना रगड़ना और लम्बी चुदाई बड़े लुंड से पसंद थी पर कभी मिला hi नहीं ...... पुष्प को सेक्स बस अपने पति से hi पता चला पर वह सच्च में प्यार करने देने वाली औरत थी . आर्यन उसको इशलिये पसंद करता था बहोत अच्छी नेचर की प्यारी भाभी थी .
कावेरी के 2 बार झड़ने के बाद पूरा छूट रास चाट के पि गया फिर जवाला को लिटा के उसकी छूट चूसने लगा चूची मसल मसल के तो मस्ती में सिसकारी लेती वह भी 3 मं में झाड़ गयी , अपना लुंड कावेरी के हाथ में दिया तो बहोत hi अच्छी तरह से दिल लगा चूस के गिला कर दी तबतक आर्यन ने पुष्प के छूट चूस के उसके झाड़ा और सारा रास पानी पि गया.
जवाला जोह उसके सीने पे झुकी उसको चूमे जा रही थी आर्यन को बोली ," आर्यन अब मुझसे रुका नहीं जा रहा है कुछ करो न ".
आर्यन भी मुस्करा के उसको बाँहों में लेकर पलट के निच्चे किया और चूमते हुए बोलै ," हाँ में भी देखूं आपका प्यार जोह राजा शभ आप की टांगों में पड़े रहते हैं "..... hi hi hi hi hi .....
घुटनो पे बैठकर पुष्प से एक तकिया लिया जवाला की गांड के निच्चे लगा के उसकी दोनों चूची को मसल के अपना लौड़े का सूपड़ा उसकी छूट पे रगड़ा ..... जवाला ," सीईईई अह्ह्ह्हह ारयणणणणणण ..... पहले क्रीम लगा लो नहीं तोह में झेल नहीं पाऊँगी ".
पुष्प भी बीएड से उतर के क्रीम निकली ड्रावर से तो आर्यन बोलै ,"रख दो जरुरत होगी तो लगा लूंगा पर भाभी आपको माँ बनना है तो दर्द झेलना पड़ेगा , यह क्रीम स्पर्म या एग को डिस्ट्रॉय कर सकती है वैसे भी आप पूरी गीली हो और अंदर से बहोत चिकनी बस हिम्मत दिखाना ".
पुष्प को अपने पास बिठा के उसके लिप्स चूम के बोलै ," आप मेरे पास hi बैठो और कावेरी भाभी आप इनका सर और चूची सेहलते रहना दर्द में यह भागने की कोशिश करेंगी बस आप उनको शांत करना "......
जवाला हसकर ," तुम मुझे बच्ची समझ रहे हो क्या , डालो में भी देखूं कितना डैम है ...... उईईईईई माआआआआ मरररररर gayiiiiiiiiii ...... "...... उसकी बात बिच में रह गयी पर कावेरी ने उसका मोह hi अपने हाथ से बंद कर दिया ......
आर्यन का 5 इंच मोटा टोपा छूट पहला के अंदर घुस चूका था ...... दोनों हाथो से जवाला की कमर थामे आर्यन बोलै ," पुष्प भाभी इनकी छूट सेहलो अब दर्द ज्यादा होगा "..... और कमर से ताकत लगा फिर 3 प्रचंड झटकों में पूरा लुंड गहरी तक थोक के जवाला के ऊपर लेट के उसकी चूची दबाता गाल चूमने लगा," बस हो गया ...... "
आँखों में आंसूं की धार और पेट की कंपकपी बता रही थी बहोत दर्द हुआ," मारररररररर दियाआ...... मेरी छुट्ट्ट्ट पहाड़ड़ड़ड़ड़ड़ड़ डीइइइइइइ ...... निकालललललललल बहरररररररर मररररररर जौंगीीी ...... ".
आर्यन उसके लिप्स गाल चूम के आंसूं चाट चाट के साँवन्तना दिया फिर ढेरी देहरी कमर हिला के हलके हलके धक्के मारने लगा पर सुबकियां अभी भी आ रही थी ..... दोनों सौतन उसका सर सेहला के बता रही थी अब दर्द नहीं होगा पूरा चला गया...... जहाँ कावेरी को पता था की दर्द तो होना hi है वहीँ पुष्प तो कल रात hi ुष दर्द से गुजर चुकी थी ......
5 मं सेहलने चूमने और साँवन्तना ने जवाला के दर्द में कमी लायी और अब वह भी अपनी बाहिएँ और टांगें आर्यन पे लपेट के किश का जवाब देती छुड़वा रही थी ...... जल्दी hi आर्यन की म्हणत रंग लायी तो चिक्तियन हुयी झड़ी , अब खुद आर्यन को चूम चूम के और तेज़ और तेज़ बोल रही थी पर 5 मं बाद फिर झाड़ के पष्ट हो गयी तो आर्यन ने लुंड बहार निकाला तो छूट का खून और पानी लगा था ......
जवाला का पेटीकोट कावेरी से लेकर लुंड पहुंच के जवाला का पेट चूमा ," अभी थोड़ा रेस्ट करो फिर आपको जोरसे पेलुँगा पुछःह पुछठ ".
जवाला उसके सर पे मार के ," बहोत जोरसे डालता है मुझे लगा मरी में पर मजा भी आया , ऐसा लगा आजतक में किसी गांडू लुंड से hi छुड़वा रही थी यह असल लुंड है बहोत शक्तिशाली , आज से तू hi मेरा मर्द है कभी कभी मुझे छोड़ते रहना".
आर्यन ने पुष्प को अपने निच्चे लिया उसकी छूट चूस के लुंड को 3 बार के झटकों में पेल दिया पूरा अंदर ...... दर्द से वह भी चिल्लाई पर जल्दी संभल गयी फिर एक बार झड़ी तो आर्यन उसको अपने ऊपर लिटा के निच्चे से धक्के मारते छोड़ने लगा ....... कावेरी को अपनी तरह झुका के उसकी चूची पीने लगा और एक हाथ से उसकी छूट और गांड सेहलने लगा ......
जवाला साइड में लेती अपनी दोनों सौतन की मस्ती लेती फिर से गरम हो रही थी पर दर्द की तीस अभी भी थी छूट में ...... जब एक बार ओरे पुष्प झाड़ गयी तो लुंड बहार निकाल के साइड में लेती जवाला को पुष्प के ऊपर लिटा दिया .......
आर्यन ," चिंता मत करो 3-3 मं बारी बारी से पेलुँगा फिर दोनों के अंदर विरए डालूंगा बस तैयार हो जायो थोड़ा घेरे धक्के मरूंगा ...... कावेरी भाभी आप अपनी चूची मुझे पिलाती रहो "......
अब जवाला को पहले आधा लुंड दाल के छोड़ा उसके झड़ते hi फिर पुष्प की छूट को पिस्टन की तरह ठोकने लगा , उसके ऊपर लेती जवाला भी आगे पीछे हिल रही थी झटकों की वजह से ...... फिर 3 मं बाद जवाला की छूट की धजिअं उड़ाते हुए कावेरी की चूचियां चूस चूस के लाल कर दिया ....... फिर 2 मं 3-3 बार लुंड से गहरी पेले करके पहले जवाला की छूट में 6 पिचकारी मारी विरए की फिर पुष्प की छूट में बची हुयी ...... दोनों तरपत हो गयी ...... एक घंटे की चुदाई ने दोनों को थका दिया था ......
कावेरी के कान में कुछ बोलै और उसका गाल चूम के उसके चूतड़ थप थापा दिया .
नंगी बीएड से उतर के वह बाथरूम में चली गयी , फिर दोनों के आजु बाजू लेटकर बारी बारी चूमा ...... पुष्प ने पुछा ," बड़ी दीदी को प्यार नहीं किया वह कहीं नाराज नहीं हो गयी ".
आर्यन का सीना सेहलती जवाला बोली," नहीं नाराज नहीं खुश हैं वह ...... आर्यन तुम उनको अकेले प्यार करोगे न तभी हम दोनों की फाड़ डाली बेदर्दी से पेल के ".
आर्यन हसकर ," अरे मैंने ढेरी hi किया फिर अभी बड़ी भाभी को देखना सुबह तुम दोनों उनके चरण छु रही होगी वह बहोत सहनशील औरत है, बुरा न मन्ना मुझे वह बहोत अच्छी लगी थोड़ी दबंग है पर बहोत केयरिंग".
जवाला ने आर्यन के निप्पल को चाट के कहा ," नहीं मुझे तो अच्छा लगा तुम ने मुझे पहले प्यार किया , पुष्प को भी किया अब दीदी को अच्छे से प्यार करो हमको भी पता है वह अच्छी हैं ".
आर्यन बोलै थोड़ा तुम्हारी योनि की सिखाई कर देते हैं और दोनों को अपनी गॉड में एक एक बाँहों में उठा लिया ...... दोनों खिलखिला के हसने लगी वहीँ जबर सिंह अपनी तीनो बीवियों की मस्ती देखकर बस हैरान परेशां .
बाथरूम में एक बाथटब नुमा हौज सी थी जिसमे गरम पानी भर रखा था कावेरी ने , आर्यन की गॉड में एक एक साइड दो छोटे बच्चे जैसी दोनों सौतों के देखकर हसने लगी ....... आर्यन ने ुष हौज में उनको उतरा फिर खुद भी अंदर बैठकर दोनों को अपनी साइड बिठा लिया .
कावेरी को भी अंदर बुलाया तो तीनो के सामने बेथ गयी पर आर्यन ने अपना हाथ उसकी तरफ करके अपनी तरफ बुला उसकी पीठ अपने सीने से लगा के गॉड में बिठा लिया ...... कावेरी दिल से बहोत खुश थी आर्यन ने उसको अभी तक उसको नहीं छोड़ा था पर हर समय अपने से लगाए रखा .
कावेरी जानती थी उसकी दोनों छोटी सौतन जवान हैं बहोत खूबसूरत भी किसी को भी पसंद आएँगी , में तो जैसे गोश्त की चलती फिरती दूकान पर उसका फिगर उसकी उम्र की औरशन के हिसाब से था पर सब बड़ा बड़ा ....... देवी और ठकुरियन रूपा तो इससे भी ज्यादा मसल और तगड़ी थी जबकि लीला जवान थी ऊपर से एक्ससरीके और फिटनेस का ध्यान रखती थी पर वह सबसे लम्बी चौड़ी होगी . हाइट में लीला के बराबर जाने hi थी .
जवाला और पुष्प की छूट में गरम पानी की सिकाई से करता आर्यन अपने हाथो से सेहला रहा था ...... कावेरी के गाल और कान चूम लेता .
जवाला सीईईई अह्ह्ह्हह करती बोली ,"वैसे आर्यन हम तीनो को तुम्हारे साथ ऐसे अपने असली पति को पाने का अहसास हो रहा है काश हम भी दीप्ति और उसकी 5 बहेनो (सौतन कहना उसने ठीक न समझा) जैसे लकी होते और तुम हमारे पति होते ".
आर्यन ने अपना चेहरा जवाला की तरफ करके उसका गाल चूम लिया तो उसने आर्यन के होंठ चूस डाले अपनी बहन उसकी गर्दन पे लपेट के ..... मुह्हह्ह्ह्हह चुम्म्म्म मुहह्ह्ह्ह ......
आर्यन ने जब उसकी क्लीट दो ऊँगली से दबा दी किश तोड़कर सीईइईसीईई अह्ह्ह्हह ारयणणणणणण रुक्खक्क जाआआ ...... " आप तीनो मेरे साथ हो और आपस में भी एक दुसरे के लिए रेस्पेक्ट और प्यार भी बराबर है , आज आप मुझे अपना पति hi समझो बस हमारा रिश्ता हमको दुर्र रखेगा पर दिल नहीं . आप तीनो मेरी प्यारी प्यारी भाभियाँ जब चाहेगी एक पति के रूप में आपको प्यार करने आ जाऊंगा पर कब वादा नहीं कर सकता ?"
पुष्प कुछ सोचकर ," आर्यन में अब से सिर्फ तुम्हारी हूँ मेरा पति भी अब मुझे छु नहीं पायेगा "......
आर्यन ने उसको भी किश किया और बोलै," फिर अपने गर्भ में रहने वाले बच्चे के लिए क्या कहोगी , देखो आप सब रानियों भी हो अपने राज्य की ...... बच्चे वहां की राजगादी के वररिस हो इशलिये अपने पति को शाख भी नहीं होने देना , वह राजा है और पावर ुशी के पास है ".
कावेरी तो अपनी hi सपनो की दुनिया में थी बस उसको आर्यन का इंतज़ार था जबकि कमर में लगता उसका आधा अकड़ा लुंड उसको बेसब्री कर रहा था .......
जब दोनों को बारी बारी चूम के आर्यन बोलै ," आप थोड़ा अपनी सिकाई करो में बड़ी भाभी को रूम में पहुंचा देता हूँ ".
दोनों ने जल्दी से उसकी बाहिएँ पकड़ ली तुम हमारे पास hi रहो , कावेरी भी आर्यन का गाल चूम के बोली ," तुम दोनों का ख्याल रखो में बैडरूम में हूँ ".
वह कड़ी हुयी तो उसकी मोती झांघो और तरबूज जैसी गांड गीली देखकर आर्यन के मोह में पानी आ गया पर अब उसको िंह दोनों छोटी रानियों को पहले सिलटना था और यह कावेरी भी चाहा रही थी की आर्यन जब उसको प्यार करे तो दोनों डिसट्रब न करें...... उसके जाते hi आर्यन दोनों को बारी बारी किश करते छूट सेहला के साफ़ भी किया और दोनों को एक बार अपनी उंगलिओं का जादू दिखा के झाड़ भी दिया.
फिर दोनों को नेहला के उनको टॉवल में लपेट के अपनी गॉड में उठा के बैडरूम में लाया तो कावेरी वहां न थी , दोनों को बीएड पे लिटाकर एक ब्लैंकेट दाल के धकार दोनों के माथे को चूमा तो पुष्प और जवाला ने जोह उसको बोलै तब कुछ सोचकर बोलै कोशिश करता हूँ अब दोनों आराम करो . दोनों बड़ी सौतन की चुदाई देखना चाहती थी .
आर्यन बगल वाले रूम में बिच के दरवाजे से पहुंचा पर बांध नहीं किया, बेडलैम्प की रौशनी में उसको कावेरी एक ब्लैंकेट में दिखी लेती हुयी जोह उसको देखकर मुस्कारने लगी पर उसके सवाल गाल पे छोटे छोटे पड़ते डिंपल आर्यन को उसकी सुंदरता और सादगी बयान कर रहे थे . रंग रूप भगवन देता है तो उसके साथ दिल भी देता अच्छा या बुरा और आर्यन को यह बड़ी रानी कावेरी दिल से लेकर रंग रूप में भी सबसे अच्छी लगी .
आर्यन ने सोच लिया था की कोई माँ बने न बने यह औरत माँ बनने के लिए hi जानामि है भले hi 44 साल की हो पर भगवन इश्को माँ जरूर बनना कितनी अच्छी है .
आर्यन भी खुश होता हुआ बीएड पे पास जाकर अपनी कमर से टॉवल उतर के अपने पूरे नंगे बदन और तोपची के दर्शन करवा उसके साथ ब्लैंकेट में घुस गया तो सेक् भर में दोनों एक दुसरे को बिछड़े प्रेमी की तरह किश करने लगे , दोनों के हाथ एक दुसरे के जिस्म पे फिसल रहे थे चूमते हुए , ब्लैंकेट कब का बिस्टेर से निच्चे पहुंच गया दोनों के बीएड पे करवट लेकर एक दुसरे के ऊपर चढ़ते हुए ....... कभी आर्यन ऊपर तो कभी कावेरी , पुछःह पुछठ चुम्म्म चुम्म मुहह्ह्ह्ह मुह्हह्ह के साथ कावेरी की चूड़ियों और घुंघरू वाली पायल की आवाजें आ रही थी जोह दुसरे रूम में तीनो को बेचैन कर रही थी ......
दोनों छोटी रानियां सोच रही थी दीदी आर्यन क्या कर रहे हैं वहीँ सबसे बुरी पोजीशन तो जबर सिंह की थी ...... वह जिस अलमारी में था उसको िश कक्ष का बीएड तो पूरा दीखता hi था और तिरछे एंगल से Aryan-Kaveri वाला दुसरे कक्ष का बिस्टेर भी .
जबर सिंह ज्यादा हैरान था की यह आर्यन सच्च में िंह हरामजादी रानियों के जाल में फस गया है , पुष्प और जवाला को छोड़कर कोई कावेरी जैसी मोती काली भैंस पे थूके भी न पर आज उसकी सच्च में कावेरी गांड फाड़ने वाली थी अपने जलवे दिखा के .
जल्दी hi आर्यन कावेरी की चूची पीते हुए वह बोल hi पड़ी ," आर्यन तू चाहे पहले पीछे से कर ले अब मुझसे रुका नहीं जा रहा , एक घंटे से ज्यादा नंगी होकर बस चूस्वा और चटवा hi रही हूँ , कितना चाटेगा अब तू अंदर आ जा अपनी भाभी के ".
आर्यन ने उसकी चूची से मोह हटा के उसके लबों को चूमने लगा अपना प्रचंड लुंड उसकी छूट की फांकों पर रगड़ते हुए दोनों बड़े बड़े स्तन भानपू की तरह दबा दबा कर .....
उसके लबों को आजाद किया और थोड़ी को चूसते हुए बोलै ," पहली शरत आज से में आपको भाभी माँ बोलूंगा और आप मुझे अपना बीटा बोलै करेंगी ".
कावेरी भी हसकर ," ुष में क्या बड़ी बात है तू मुझे माँ भी बोल ले और बीटा तोह है hi तू मेरा जब दीप्ति मेरी बेटी जैसी है , आर्यन मुझे सच्च बता कोई तोह है मेरी जैसी जोह तेरी ज़िंदगी में पहले भी है क्योंकि तेरी आँखों में मेरे लिए इतनी तड़प ऐसे नहीं आ सकती ".
आर्यन भी मुस्करा के उसका गाल चाटने लगा और कान में बोलै ," जब वह आएगी न तो आपको उसके साथ प्यार करूँगा बस और कुछ मत पूछना वह भी आप की तरह बहोत प्यारी है देखना आपको बहोत पसंद करेगी "...... पुछःह पुछठ .. ....
कावेरी भी हसने लगी .... " hi hi hi hi ..... बहोत चालू है तू तोह पर सच्ची मुझे सच्चा प्यार हुआ बुढ़ापा में ...... hi hi hi hi hi ...... "
आर्यन ," अरे आप कहाँ सा भुड्डी हो गयी , सब औरतें आपके सामने कुछ नहीं बस प्रैक्टिस नहीं की हो और मड़इन में पहली बार आयी हो , चिंता मत करो कितना भी दर्द दूँ सेह लेना आपको मजा आएगा फिर ऐसी मालिश करूँगा आपकी दर्द के बाद भी बोलोगी बस मेरे अंदर रह ".
बातें करते हुए भी दोनों एक दुसरे के सरीर सेहला रहे थे खासकर एक दुसरे के उत्तेजित अंगों को . कावेरी ने भी आर्यन को मौका न देकर दोनों के बीच हाथ दाल उसका मूसलचंद पकड़ के टोपा अपनी छूट के फांकों के बिच अदा के उसके गाल चूम के बोली ," दिखा म्हणत अपनी भाभी माँ को बीटा अब तू अंदर समां जा ".
जबर सिंह का आधा व्यू अब दोनों छोटी रानियों ने ब्लॉक कर दिया था जोह दुसरे कक्ष के बीएड के पास खड़ा होकर देख रही थी आखिर इतनी डिअर से क्या कर रहे हैं ...... अपनी बेचैनी ख़तम करने दोनों लंगडते हुयी भी यहाँ आ पहुंची .
आर्यन ने दोनों हाथ कावेरी की बगल से निकाल के उसके सर को पकड़ लिए और प्यारों ने पोजीशन टाइट पकड़ी ,उसके लबों को अपने लबों से सील कर एक तख्तवार धक्का मारा और तीन चौथी लुंड कावेरी की छूट फाड़ता अंदर जा घुसा सब नोट बोलता खोलता ..... ुहम्म्म्म ुहममममम ...... की आवाज के साथ अपनी लातें और हाथ चलती आंसूं निकलती उसकी पीठ और झंघों पे कास ली पर आर्यन ने हिलने भी न दिया , लुंड फिर से कुछ इंच बहार खींचा और थप्प्प्प्प की आवाज के साथ उसके अंडकोष घंटे के तरह उसकी गुदा द्वार पे बजे फिर चिपक गए......
पूरा लुंड थोक दिया 2 भीषण धक्कों में , छूट भार और अंदर से झक्मी सी हो गयी , आँखों की किनारों से बहते आंसूं अब कान और बालों को भी गीला कर रही थे पर आर्यन को दया न आयी क्योंकि वह जानता था अब भाभी पूरा ले ली है बस गरम करनी है पेलते पेलते ......
पुष्प और जवाला भी आर्यन की बेहरमी देखकर डर गयी की कैसे दीदी को कॅशे की तरह पेला है , छूट पहात गयी होगी ..... मगर आर्यन फिर लुंड आधा बहार खींच के उसके लबों को चूमता धक्के पे धक्के मारता अपने तोपची की जगह बनता जा रहा था ..... थप्प्प्प थप्प्प्प पहछहः पहछहः थप्प्प्प थप्प्प्प .......
जब लगा कावेरी की सांस उखड़ी हुयी है तोह उसके लिप्स छोड़कर अब पूरे चेहरे को चूमता हुआ बोल रहा था ," बस हो गया भाभी माँ अब दर्द नहीं होगा , आप तो बिलकुल कुंवारी लौंडिया हो इतनी टाइट छूट लेकर कैसे घूम रही हो पुछःह पुछःह पहुछठ ....... ".
कावेरी रूट हुए उसकी पीट पे मुक्के मारी ," हरामी मादरचोद मेरी छूट चीयर दी तू ने ,...... अह्ह्ह्हह्हह माआआआ ....... में झेल लेती अगर आराम आराम से करता न ...... मारररररर hi दे इतना दर्द दिया है ...... अब तोह रुक जाआ या मार के hi अलग होगा ?"
आर्यन उसको लुंड पेलते पेलते हुए भी ," आज आपको कुंवारी होने का अहसास करना था वैसे भी बहोत मलाईदार है आपकी मुनिया , इश्को तोह में रोज पेलुँगा ..... पूछह पुछःह ..... मेरी रानी माँ मेरी भाभी माँ ..... अभी देखो कभी दर्द नहीं होगा ".......
रोटी हुए भी वह चूमने लगी आर्यन को तो आर्यन भी अब बगल से हाथ निकल दोनों चूचियां दबा के लौड़ा छूट में पेलने लगा और अब मुस्करती दर्द सेहती भी कावेरी उसको चूम चूम के उकसाती और जोरसे पेल मुझे दर्द देकर पूरा थोक थोक के छोड़ ...... अह्हह्ह्ह्ह ारयणणणणणण मर्द है रे तू ...... हॉँण्णन ऐसे hi मेरी परवा न कर ...."
कावेरी की दोनों सौतन भी 5 मं में अपनी बड़ी दीदी का बदला अंदाज़ देखकर यह तो बहोत बड़ी चुदकड़ है पर अभी तो दोनों ने ट्रेलर hi देखा था ....... एक बार झाड़ के आर्यन को जकड ली फिर उसको चूम के बोली ," अब मुझे ऊपर आने दे फिर तेरी बारी ...... और तुम दोनों को देखना है तोह दुर्र से बैठकर देखो मुझे बिच में कोई नहीं चाहिए ".
जवाला हस्ते हुए बीएड के दूसरी साइड सिहरने पे बैठकर बोली," दीदी आप सच्च में दुमदार औरत हो 2 मं में सब दर्द झेल गयी , पुष्प तू भी आजा यहीं बेथ मेरे पास ऐसा मौका कहाँ मिलेगा अपनी हिटलर दीदी को मजा लेते देख ...... hi hi hi hi ".
पुष्प भी उसकी तरफ जाकर बैठकर बोली ," आर्यन बस दीदी का ध्यान रखना, उनको अभी बहोत दर्द हुआ है ".
लेकिन अपनी टांगें और बाहिएँ आर्यन पे लपेटे पूरी ताकत लगा लुंड छूट की घेरे में लिए पलट के ऊपर आ गयी आर्यन की मदद से ," जब तक मेरे अंदर बीज नहीं जाए, आर्यन मेरे बेटे ,तबतक लौड़ा मेरी छूट से बहार नहीं आना चाहिए फिर तेरा मनंपसंद इनाम दूंगी चाहिए मर्डर जॉन "..........
आर्यन के अल्वा कोई नहीं समझा पर कावेरी की बॉडी को प्यार से सहलाता उसको लुंड पे उछलने में मदद करता उसकी छूट का मजा लेना लगा , 7-8 मं बाद वह गुर्राती आगे झुकार आर्यन की गर्दन दोनों हाथ से दबोच ऊपर निच्चे अपनी तरबूज जैसी गांड जेट की स्पीड से ऊपर निच्चे चलती झड़ी , इतनी तेज़ आवाज थी सायद पूरे राजमहल में सुन्नी हो पर (चाय का जादू था) कुछ भी िंह दो कक्षों से बहार न जाने दे .
कावेरी की दोनों सौतन और पति की गांड hi खुसक हो गयी की आर्यन से छुड़वा रही थी कावेरी या उसको छोड़ दी , 3ऋ बार खड़ा हुआ जबर सिंह का 5 इंची का लुंड अपनी पटरानी का हिंसक रूप देखकर डर hi गया जोह करीब 30 फट की दुरी पे बेबस था .
आर्यन के सीने पे लेती कावेरी उसको चूमे जा रही थी और आर्यन की गर्दन में नाख़ून के निशान थे जो उसकी पकड़ बता रहे थे पर आर्यन ने दो जोरदार थप्पड़ चटाक चटक ...... मारे कावेरी की हथनी के साइज की गांड पे ...... कावेरी भी चीखी ," अह्हह्ह्ह्ह हरामीईईई मार मत ..... अह्ह्ह्हह्हह ".
पर आर्यन तो अभी शुरू हुआ था अब वह उठकर बेथ घूम के अपने लुंड को कावेरी की छूट में डाले डाले hi बिस्टेर से निचे उतर के खड़े खड़े hi उसको छोड़ने लगा अब कावेरी चिक्ति , आर्यन हुंकारता पर यह सिलसिला करीब 10 मं बाद hi 2 बार कावेरी के झड़ने पर रुका .......
आर्यन ने अब फर्श पे लिअत के उसको लुंड पे बैठे बैठे hi घुमा के उसकी पीठ अपने सीने से लगा और दोनों चूची थाम अपनी कमर जमीन से 30 डिग्री तक उठा के निच्चे से दबा दबा के धक्के मारने लगा ...... चिक्तियन हुए एक दुसरे को गाली गलोच करते हुए कावेरी ने अपने हाथ निच्चे फर्श पे टिक्का आर्यन को पूरे स्ट्रोक्स मारने में मदत करती ......
फिर से झड़ी तो आर्यन उसके दोनों चूतड़ थाम फिर से खड़ा और बीएड पे उल्टा लिटा उसके ऊपर चढ़कर बहोत ताकत से स्ट्रोक मारने लगे दोनों चूची थामे , कावेरी ने आर्यन का सर पकड़ उसका मोह अपनी गर्दन और कान पे लगा रखा था .......
अब उसने आर्यन को चलेंगे करते हुए कहा ," भर दे बीज मेरे शेर , मेरे बेटे , मेरे बालम यह रानी कावेरी तेरी गुलाम हुयी , नंगी करके गले में पत्ता दाल के भी घूमेगा तब भी तुझे कोई नहीं टोकेगा ....... अपनी भाभी माँ को माँ बना दे मेरे बच्चे ...... पुछःह पुछठ " .......
जाने क्या जादू था िश औरत में आर्यन भी बाकी तीनो को उसके हाथ में कटपुतली hi लगा ...... एक नहीं दो नहीं पूरी 12 पिचकारी मारा सीधा बच्चेदानी में और आँख बांध करके मैं में बोलै ," गुरूजी िश देवी जैसी औरत को माँ जरूर बनने का आशीर्वाद देना ".
दोनों सौतन की छूट भी दर्द के बाद रास टपका रही थी पर 5 मं बाद कावेरी थोड़ी सम्भली और जोरसे बोली," जाओ दोनों मेरे बेटे के लिए कुछ कहने का इंतज़ाम करो , बस दोनों से ठिठोली करवा लो "...... दोनों चली गयी और फ्रीज़ से केक , फ्रूट्स , जूस और पानी लेकर आयी तोह दोनों बाथरूम में थे .......
कावेरी ने दर्द के बाद भी आर्यन को बहार भेजा और बोली में 10 मं में आयी तू इतने खा - पि ...... आर्यन ने कहा "आप रहने दो थक गयी हो भाभी माँ".
आर्यन के गाल पे किश करके ," तू ने दिल जीता है मेरा तेरा तोफा तो देना hi पड़ेगा , जा मुझे रेडी होने दे ".
आर्यन बहार आया तो दोनों छोटी रानियों ने उसको अपने हाथों से खिलाया पर चुदाई की कोई बात नहीं की फिर 15 मं बाद कावेरी आयी ," जाओ दोनों सू जायो सब डिअर से उठी तो साख होगा ".
दोनों का मैं तो आर्यन की बाँहों में सोने का था पर बड़ी दीदी की बात न काट सकीय ...... फिर 10 मं में दोनों नंगे हुए , अपनी तबलये जैसी बड़ी गांड को पूरा अंदर तक चिकना करके आयी थी एक अनल जेली से फिर तोह आर्यन ने 30 मं जोह गांड मारी उसकी रुला रुला के बगल के कक्ष में भी तीन लोग डर गए की आर्यन कावेरी का जंगली बने चीख पुकार और गाली सुनके ..... पर जैसे परवा hi न थी दोनों चुदकड़ खिलाड़िओं को .
कावेरी ने टक्कर तोह खूब दी पर आर्यन की टक्कट और प्रचंड तोपची ने हरा hi दिया , आखिर में आर्यन उसको उठा के बाथरूम ले गया दोनों को अंग अंग अच्छे से साफ़ कर दिया फिर 15 मं खूब प्यार से हलके हलके धक्के के साथ उसको सेहलते पुचकारते चूमते hi छूट मारी और दूसरी बार बीज भर दिया कावेरी की छूट में ......
कावेरी तो जैसे दिलोजान लौटा दी थी आर्यन पर , क्या किस्मत है मेरी असली मर्द मिला उम्र के िश पड़ाव पर आकर . लेकिन आर्यन ने उसको फिर से प्यार करते रहने को पुछा तोह बोली ," हर जगह तेरा छप्प की मोहर लग गयी है और भगवन ने चाहा तोह तेरा खून भी मेरी कूख से पैदा होगा ".
जहाँ सुबह तक अपनी आँखों के सामने आर्यन के घोड़े जैसे लुंड पे अपनी तीनो रानियों का रान्दीपना देखा ...... जबर सिंह को िश काण्ड ने पूरी तरह तोड़ दिया ....... कभी रूट रहा बस अपनी बेबसी पे आखिर सजा hi ऐसी मिली ..... ुष कामिनी डाइयाँ चाय के चक्कर में ? आर्यन भी किन घटिया औरशन के बिच फँस गया . गीता- दीप्ति को पता चला तोह िंह के साथ आर्यन की भी खैर नहीं ?
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आर्यन जब कावेरी की अच्छी मालिश करके उसको बीएड पे सुला के कक्ष से बहार निकला तोह 5 :30 बजे सुबह के चाय कड़ी मुस्करा रही तो आर्यन भी हसकर बोलै," कोई देख लेता तोह तब ?"
चाय ने आर्यन के गले में बाहिएँ दाल के ," महार्यं हम गलत कार्य भी मैं लगा के करते हैं और हम तीनो बहेनो का इनाम कब मिलेगा ".
आर्यन हसकर उसकी कमर में हाथ दाल के अपने से चिपका के बोलै ," दीप्ति से पूछ लो में मन नहीं करूँगा ".
चाय चिढ़कर ," वह कभी हाँ नहीं करेगी पर एक हमको भी मिल गयी है जोह हमारी मदद करेगी बस अब तुम मत मुकरना , समझे "...... और उसका गाल चूम के कक्ष में चली गयी अपना काम पूरा करने .
आर्यन सर झटक के पक्का मीणा होगी अब यह दिन आ गए में रक्षाशनी को छोड़ू मगर तीनो के बदन की खुसबू मुझे बेचैन कर देती है , चलो इनको बाद में देखूंगा पहले लीला से मिल लेता हूँ गयम में .
आर्यन जब मिरदुला के कक्ष में पहुंचा तोह वो सू रही थी आर्यन अपना ट्रेक सुईठे और शूज पहनकर गयम पहुंचा तोह साया उसको दूर पे मिल गयी और उसने बतया की सूरज सिंह का इंतज़ाम कर दिया है वह तो डरपोक निकला .
आर्यन उसको हसकर कहा ," चलो फिर त्यार रहो कई नए शिकार आ रहे हैं आज , बस उसको मत मार देना उसकी मौत किसी और के हाथ लिखी है ".
तभी वहां माया और चाय भी आ गयी माया ने बतया की राजा त्रिभुवन सिंह आराम से उठेगा उसको रात में hi बिजी करवा दिया था .
साया मुस्करा के बोली," महार्यं अगर तुम कहो तो िंह दोनों राजाओं का भी हमे तोफा दे सकते हो ? ....... hi hi hi hi ..... "
आर्यन मुस्करा के ," अभी नहीं क्योंकि गुलामो की जरुरत राजगद्दी को ज्यादा है, चलो जाने की तयारी करो तुमको दिल्ली में शिकार पर भेजता हूँ पर एक रात में बस 10 शिकार ".
तीनो को आँखों में चमक थी रात में बस जबर सिंह के सिर्फ 3 आदमी hi शिकार कर पायी ...... चाय ने बता दिया जबर सिंह का पक्का इंतज़ाम करके आयी है .
जबर सिंह की तोह पहले hi फटी पड़ी थी बेचारा को अभी अभी उसके आएसी वाले कक्ष में चाय फिर से अपना दानव रूप दिखा के धमका आयी थी ," अगर तेरी जुबान खुली तोह तेरे पूरे परिवार में पानी देने वाला न मिलेगा और उन्ह चरों को तो पता भी नहीं रात में कितनी रंगरलियां उन्हों ने मनाई है ........ तू जिन्दा सिर्फ राजकुमारी दीप्ति के कारन है जिस दिन मोह खोलने या किसी को भी बताने की सोचा भी ुशी समय में सामने होंगी" ......
इतना बोल के चाय के हाथ से एक सांप की तरह जीव निकला करीब 2 फट लम्बा पर था लीच की तरह बिलकुल काला ...... देखते hi देखते वह डर से चीखते हुए जबर सिंह की गर्दन से लिपट गया और चाय का हाथ उसकी तरह होने पे एक ताबीज में बदल गया ...... "यह हमेशा तेरे गले में रहेगा जबतक तू अच्छा बना रहेगा यह ऐसे hi रहेगा , वार्ना कहाँ से तेरे अंदर घुसेगा कहाँ निकलगे यह तू सोचने के लिए जीवित नहीं होगा "...... डर के मारे बेहोश हो गया और चाय यहाँ सब कुछ बता दी .....
आर्यन भी खुश होता हुआ ," तुम तीनो तो कमाल हो यार , हमेशा यहीं हमारे साथ रहो मजा आएगा ".
पीछे से गीता ने आर्यन को कमर में गुहत मारा ," सुधर जा लड़कियां देखनी नहीं लार टपकनी शुरू "......
आर्यन पलटा तोह गीता के साथ मीणा , लीला , दीप्ति और सारू भी थी सब ट्रेक सुईठे में ...... आर्यन पहले अपनी चंदा रानी को गले लगा के गाल पे गुड मॉर्निंग किश किया फिर सबको बारी बारी ....... फिर सब निकल गए राजमहल के प्रांगण से होते उद्यान और स्टेडियम तक मॉर्निंग वाक पे .
फिर सब उन्ह पशु पक्षिओं को बाकी सब कर्मचारी के साथ भोजन भी खिलाये और आर्यन , दीप्ति ने तोह उनकी भासा में बातें भी की जोह दोनों अच्छी तरह कर लेते थे .......
सब खुश थे खासकर दीप्ति कल उसको आर्यन ने स्पेशल प्यार किया और आज अपने साथ भी ले जा रहा था ....... पर दीप्ति को कहाँ पता था उसको प्यार करके आर्यन उसकी सब मोह बोली मम्मीयों को छोड़ दिया रात भर में और अब कितना भोला बनकर सबसे हसी मजाक कर रहा है .
मीणा तोह डबल खुश थी उसको लीला और मंदाकनी ( लीला की बड़ी भें) का अफ़सोस था की आर्यन इनको भी लपेट लेता तो अच्छा होता ...... चलो कोई नहीं लीला तो त्यार hi है िश मंदाकनी को चारा डालना पड़ेगा वैसे आज सही मौका है ुष का पति भी आ रहा है ......
सुचित्रा तो ठीक लाइन पे जा रही है िश रूबी ( सुचित्रा की बेटी ) से में बात करती हूँ बहोत दिन से आर्यन को वर्जिन लड़की नहीं मिली ऊपर से दिल्ली में दो आलरेडी बेचैन हैं तोपची से सील तुड़वाने के लिए ......
मीणा को उसके कैलकुलेशन करने देते हैं देखते हैं गयम में लीला के साथ क्या गुल खिला रहे हैं आर्यन भेषभ , उसकी साड़ी भाभियों की रात छूट पहाड़ के और एक की गांड भी इनको चैन न मिला क्या ??????
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Part - 9 (राजवंश)
आर्यन ने पुष्प को फ़ोन मिलाया तो पहली रिंग में उठा के बोली," कहाँ हो आप..... कुंवरजी , सब सू गए हैं जल्दी से ऊपर आ जायो तीसरी मंजिल पे में जीने पे मिलूंगी आपको ".
राजमहल के तीसरे फ्लोर पे सबसे कोने के 2 कक्ष में राजा जबर सिंह की रानियों का लेडीज पार्टी के बाद डेरा था , जबर सिंह आज रात वैसे भी नहीं आएगा यह तीनो को गायत था .
एक कक्ष में बड़ी रानी यानि कावेरी थी और दूसरे में जवाला और पुष्प ..... पुष्प को भी पता था कावेरी अकेले में आर्यन से संसर्ग करेगी जबकि जवाला उसके सामने भी मिलान कर लेगी .
पुष्प सबसे छोटी थी जोह आर्यन को भी बहोत पसंद आयी और दोनों जानते की कल का मिलान पहला जरूर था पर आखिरी नहीं. पुष्प भी अपने नए प्रेम साथी के प्यार में डूबने लगी थी , सुबह से उसको आर्यन चाहिए था कुछ वक़त अकेले में साथ बिताये पर उसको देखकर hi दिल को समझा लेती. आज आधी रात के बाद hi आर्यन आ पायेगा तोह उसने भी सब तयारी कर ली थी.
पहले में फिर जवाला दीदी और लास्ट में कावेरी दीदी ...... आर्यन से फ़ोन पे बात कर वह जवाला को उठा दी ," आर्यन आ रहा है आप दुसरे कक्ष में जाओ दीदी के पास" .
जवाला ," में यहीं चुप के देख लुंगी तुमको कोई डिसट्रब भी नहीं होगा ".
पुष्प ," अरे दीदी आप दोनों उससे अभी ढंग से मिली भी नहीं हो फिर वह आप दोनों के सामने झिझक भी सकता है . आप ऐसा करो में दोनों कक्ष के बिच का दूर लॉक नहीं करुँगी मौका देखकर आप चुपके से आ जाना और हाँ बड़ी दीदी तो अकेले में करेगी पहले hi बोल चुकी हैं .
जवाला भी मैं मार के दुसरे कक्ष में चली गयी और पुष्प आर्यन को बुलाने ...... मगर जवाला उत्सुकतावश बिच का दूर बस भिड़ा के वापस कक्ष की अलमारी में चुप गयी ताकि आर्यन का हथियार और चुदाई देख सके .
इधर 15 मं पहले एक बड़ा सा बूरा (सक) चाय ( 2ंद no की दानव कन्या) पुष्प के कक्ष की एक अलमारी में रख गयी की सुबह ले जाएगी . पुष्प ने पुछा तो बतया की उसको सिल्फकारी का सेवक है तो मूर्ति बनाने का भरी सामान है कल सुबह सुबह छत्त पे मूर्ति बानगी ......
पुष्प कुछ जिगसॉ से ," पर चाय यह बहोत भरी भरकम लग रहा कहीं किसी इंसान तो नहीं शिकार कर लायी ?"..... कल रात तीनो भेने पुष्प के सामने उसकी ख़ास दासी बिंदु को खा गयी थी ज़िंदा .
चाय ने खुद बुरे का मोह खोला देख लो बस कच्चा सामान है और सच्च में बुरे के अंदर मूर्ति बनने का सामान था , अलमारी में रखकर बोली पूरी अलमारी बंद नहीं होगी ऐसे hi रहने दो. वह चली गयी पर पुष्प को पता न चला िश दानव कन्या की चाल ..... बुरे में जबर सिंह बंद था और चाय के जादू से पुष्प को मूर्ति बनने का सामान दिखा , मगर हाथ प्यार और मोह मंतर से बंधे थे तो सांस ले सकता मगर पढ़ भी न सकता था, ना hi हिलडुल सकता था , ऊपर से बुरे का मोह खोल उसका सर बहार था कक्ष का बिस्तर बिलकुल सामने .
अभी अभी उसने अपनी दोनों छोटी रानी पुष्प और जवाला की बात सुनी तो उसके तरपान तक हिल गए...... (अपने से मैं में बात करता हुआ ) ...... यह पुष्प िंह दोनों के साथ मिलकर यानी आर्यन से छुड़वाने वाली हैं ...... यह क्या घोर अनर्थ कर रही है? साली ुष डाइयाँ चाय ने यह जांभोज के किया है ? कही तीनो औरतें और आर्यन पे जादू तो नहीं कर दिया , नहीं नहीं आर्यन पे जादू कहाँ असर करेगा ?
तभी मैं में चाय की हसी की आवाज सुनाई दी ," जबर सिंह , आज अपनी तीनो रानियों का रान्दीपना देख की कैसे आर्यन की बाँहों में व्यभिचार करेंगी , हाँ मैंने चरों को चुपके से कामोत्तेजित शरबत पीला दिया है देखना चरों बस हवसी की तरह तेरी आँखों के सामने एक दुसरे को नोचेंगे और तू कुछ नहीं कर पायेगा ...... है है है है ...... बहोत शौक है न कुवारी लड़किया खरीद के छोड़ने का और तेरा नया होने वाला जीजा, आर्यन, को भी पता नहीं चलेगा यह मैंने किया है ...... है है है है ...... मेरा जादू कोई नहीं तोड़ सकता , आँख खोल के देखना कहीं बेहोश मत हो जाना ....... है है है है "....... बहोत डरवाना अथश था िश डाइयाँ का जबर सिंह को बस आर्यन पे विश्वास था की वह बहोत सरीफ है मेरी छोटी भें लीला hi उसके पीछे पड़ी है फिर भी कुछ गलत नहीं किया , पुष्प फ़िदा हो गयी है आखिर इतना हैंडसम है पर आर्यन गलत नहीं करेगा तभी तो कल रात भर बुआ ( मिरदुला) के कक्ष में सूता रहा जबकि बिंदु कुछ और hi बता रही थी , यह सूचना चाय ने आज सुबह उसके एक आदमी का रूप बदल के दी थी .
आर्यन िश डाइयाँ को जरूर दानन्द देगा ऊपर से पिताजी ( रघुभार सिंह ) को भी आज रात hi राजगुरुजी के साथ वापस आश्रम जाना था ....... मगर उसकी आंखें फटी की फटी रह गयी जब देखा की पुष्प एक ghaghra-choli में अपनी टांगें आर्यन की कमर में लपेटी उसकी गॉड में झूलती उसको चूमती हुयी कक्ष में अंदर आये .
आर्यन के हाथ जबर सिंह की सबसे जवान बीबी पुष्प के दोनों खुल्हो को घागरे के ऊपर से मसल रहा थे उसके होंठो को चूमते हुए," पुछःह पुछठ चुम्म्म चुम्म मुहह्ह्ह्ह मुह्हह्ह पुछःह पुछठ ारयणणणणणण सीईइईसीईई हम्मम्मम्मम्म ....... "
यह सिसकियाँ जबर सिंह के कान में पिघले लोहे की तरह अंदर जाकर दिल की बेचैनी बढ़ा दी ...... उसको वह hi सुनाई देने वाला था जोह चाय उसको सुनना चाहती थी .
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मीणा को आर्यन ने बतया की वह तीनो रानियों को छोड़ेगा जबर सिंह के सामने तब मीणा भी हामी भरी फिर पार्टी में चाय को समझा दिया की अपनी पावर उसे करना जबर सिंह को ऐसा लगे तुम बदला ले रही हो उसके जवान लड़कियों को खरीदने का और वह चरों तुम्हारे वशीभूत होकर रंगरलियां मन रहे हैं इसे दो काम होंगे जबर सिंह को सजा भी मिलेगी अणि और सारू मम्मी पे बुरी नियत डालने की और उसकी बीवियां भी प्रेग्नेंट हो जाएँगी अनजाने में .
चाय ," मीणा क्या में उन चरों पे जादू करूँ ?"
मीणा हसकर ," किसी पे मत करना आर्यन पकड़ लेगा, हाँ उन्ह तीनो रानियों की झिझक ख़तम कर देना और उनकी छुपी hi चाहत आज ुष बिस्टेर पे बेशर्म होकर दिखाई दे ".
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इधर जोश से पुष्प उसके लबों को चूमते हुए बोली ," में बहोत तड़प रही आर्यन जल्दी से मुझे प्यार करो बड़ी मुश्किल से मौका मिला है हमको फिर तुमको 2 सरप्राइज भी दूंगी"...... आर्यन भी जानता था की अपनी दोनों बड़ी सौतन की बात कर रही पुष्प भाभी .
आर्यन ने गॉड में लिए hi कक्ष का दूर लॉक किया और बिस्टेर पे बैठकर अपनी गोदी में छड़ी पुष्प भाभी को bola,"Kahin कोई आ न जाये यहाँ आपको ढूंढता , फिर जबर सिंह जी या गए तो ".( जबकि उसको बुरे में बंद जबर सिंह नज़र आ गया था , चाय ने सही इलाज किया है इसका साला ठरकी )
पुष्प ने अपनी चोली के ऊपर उसका हाथ रखकर अपनी सीढ़ी चूची थमा के बोली," कोई नहीं आएगा और राणा सा तो किसी रंडी के अंदर बेसुध पड़े होंगे , तुम बेफिक्र रहो आर्यन बस आज मुझे बुरी तरह से रूंध डालो, प्लीज तुम कल चले जाओगे मुझे कई दिन तक तुम्हारी याद रेहनी चाहिए ".
आर्यन ने उसकी दोनों चूचियां कसकर दबा दबा के किश करते हुए उसकी चोली उतर के घागरे का नाडा भी ढीला कर दिया, अंदर न ब्रा थी न पेंटी .....
आर्यन से अलग होकर फर्श पे कड़ी बिलकुल नंगी कामुक बदन वाली पुष्प भाभी ुष्पर अपने हुस्न की बिजली गिरा रही थी.
अपना घाघरा प्यारों से दुर्र छिटक कर आर्यन के नजदीक जा उसके सर को पकड़ के अपनी चूची पे उसका मोह भिड़ा के बोली ," अच्छे से चूसो मेरे छाती को बहोत अकड़ी रहती है ...... siiiiiiiiiiiiii जोर जोरसे दबा के इनको ढीला कर दो ...... हैंण्ण्ण्णन ऐसे hi ...... मुझे अपने बच्चे की माँ दे आर्यन मुझे तेरा बीज अंदर चाहिए ".
आर्यन उसकी गांड मसलते और छूट में ऊँगली पेलता बस चूचियों को hi चूसे जा रहा था और पुष्प तो आज ज्यादा hi चिल्ला रही थी बेशर्मी के साथ ताकि उसकी सौतन को भी पता चले असली मर्द होता क्या है .....
उनकी मस्ती देखकर जहाँ उसकी दो सौतन की छूट पिण्या गयी थी झीरी से देखकर और वहीँ बेबस उसका पति जबर सिंह तोह अपनी छोटी बीवी की खुले आम आर्यन को उकसाने और अपनी छुडास भुजने के लिए पगलाई लग रही थी ......
जबर सिंह भी जानता था पुष्प एक शोला है बिस्टेर में जिसको वह भी नहीं संभल पता ...... मैं hi मैं दुआ कर रहा था आर्यन बीटा कुछ कर यह तीनो तुझे दलदल में फसा देंगी ुष चुडिअल चाय के कारन . अरे करमजली यह तुम्हारे बेटे की उम्र का है, दीप्ति का होने वाला पति इश्को पापी क्यों बना रही हो भगवन भी तुमको माफ़ नहीं करेगा .
कावेरी को 5 मं hi हुए तो दुसरे कक्ष से बिच वाले दूर से हल्का सा खोल के झांकते हुए वहीँ जवाला तो शुरू से अलमारी में चुप्पी हलकी सी जिहृ बना के अपनी छूट रगड़ रही थी सिर्फ पेटीकोट और ब्लाउज में चड्डी के अंदर से, आर्यन और पुष्प की मस्तियाँ देखकर ...... दोनों से रुका नहीं जा रहा था पर आगे जोह होने वाला था वह तोह कटाई hi नहीं रुकने न देने वाला था ......
चूची पिलाते हुए पुष्प ने आर्यन की t-shirt और बनियान निकल दी बाकी भी उसकी मस्कुलर बॉडी और हॅंडसमेनेस्स देखकर चकित थी बिलकुल देवताओं सा सरीर कितना हस्तपुस्त गोरा चिट्टा है पर अभी शॉक के साथ बेहोश होने की बारी थी .......
निच्चे झुकार आर्यन के सीने पे किश करती पुष्प बोली ," मेरा गिफ्ट तो बहार निकालो "...... और लोअर के मोठे उभर को ऊपर से सेहला दी .....
आर्यन भी शर्माता हुआ ," आप खुद hi निकाल लो मुझे शर्म आ रही है "...... एक हाथ से लुंड को लोअर के ऊपर से दबा के ," ऐसे शरमाते रहे तो अपना सरप्राइज कैसे संभल पयोगे , आर्यन आज तुम मुझे लवर नहीं बल्कि एक प्यासी रंडी की तरह पेलो ताकि मेरे पति को भी पता चले मुझ में भी एक रंडी रहती है जिसको वह कभी जगा नहीं पाया ".
आर्यन का लोअर उतरा फिर उसको खड़ा करके खुद घुटनो पे बैठकर चरों और का जायजा लेकर समझ गयी साली दोनों आ hi गयी हैं मेरे आर्यन को देखने.... त्यार हो जायो चैनलों बेहोश हो जायेगी , आज तुम्हारी छूट hi फड़वा दूंगी आर्यन से .......
अंडरवियर में बने तम्बू से आर्यन का हथियार जबरदस्त बड़ा लग रहा था पर अंडरवियर जैसे hi पुष्प ने निच्चे सरक्या तोह सफ़ेद तगड़ा एनाकोंडा, एक फट लम्बा 5 इंच मोटा , निचे होते अंडरवियर से सर उठा के स्प्रिंग की तरह उछलता हवा में लहरा तो पुष्प भी डर गयी उईईईईई माआआआआ यह तो कल से ज्यादा भयानक लग रहा है .......
इधर 2 आवाजें हुयी , कड़ी कड़ी दोनों सौतने शॉक से इम्बैलेंस हो फर्श पे गिरी एक अलमारी से दूसरी साइड वाले रूम के दूर से अह्हह्ह्ह्ह , ारीई मायआ ......
जबर सिंह के चेहरे का रंग hi ुध गया , यह क्या बाला है इतना बड़ा गोरा लौड़ा बिलक्यूल अंग्रेजों जैसा ......यह आर्यन इंसान है या घोडा ..... बाप रे कोई भी हज़ारों बार चूड़ी रंडी भी मर जाएगी छूट में लेकर ....... सबके इमेजिनेशन और मिथ hi थोड़ डाली "तोपची" के विकराल दर्शन ने ...... जबर सिंह तो डर से पसीने पसीने हो गया ...... ऐसा लगा मेरी बीवियों की छूट नहीं मेरी गांड मरने वाली है .
दोनों रानियों को देखकर नाटक करते हुए आर्यन ने झट से अपना अंडरवियर और लोअर ऊपर कर लिया ...... पुष्प भी अपनी दोनों सौतन को देख हैरान थी इनको भी सबर नहीं है हो गया बेडा गरक .
कावेरी सँभालते हुए कड़ी हुयी जोह एक सूंदर घाघरा चोली में थी पूरी make-up किये तैयार ," यह क्या पाप कर रहे हो तुम लोग और तू जवाला ुष अलमारी में चुप के क्या देख रही थी ,इनको रोकी भी नहीं ".
जवाला भी संभल गयी थी और कड़ी हो गयी मगर प्रचंड लुंड को देखकर शॉक अभी भी था क्या वह इतना बड़ा था यह पुष्प कैसे अंदर ले ली , नहीं नहीं साली झूट बोली मुझसे मगर जिस तरह से आर्यन का हथियार बहार निकला उससे लगा तो था वह उसको ले चुकी है ....... हे राम आज पहात जानी है हम तीनो की कहीं कल मूचि बुलाना पड़ेगा अपनी फटी छूट सिलवाने के लिए .
पुष्प अपना मैं कड़ा करके आर्यन के खड़े लुंड के उभर पे हाथ फेर के बोली," बड़ी दीदी, छोटी दीदी , आप दुसरे कक्ष में जाओ मुझे बस अब बाँझ स्तब्ध को अपने नाम से हटना है और आर्यन मेरी मदद कर रहा है ...... में कल आप लोगों से बात करुँगी बड़ी मुश्किल से में इश्को राजी करके लायी हूँ".
आर्यन भी ड्रामा करता हुआ ," देखिये गलती हो गयी और पुष्प भाभी आप भी माफ़ कर दो में चला जाता हूँ "..... और पलट के अपनी t-shirt और बनियान उठा लिया तो जवाला भी ताश में आ गयी ," नहीं नहीं तुम कहीं नहीं जाओगे , आर्यन मुझे भी बाँझ स्तब्ध के कलंक को मिटाना है "...... वह आर्यन के पास जा उसके कमर में हाथ दाल के पीछे से लिपट गयी.
तब कावेरी ने भी बिच वाला दरवाजा बांध करके कहा ," हम सब ये कलंक मिटायेंगे चाहिए यह पाप hi क्यों न हो और ुष गांडू जबर की गांड में मिर्ची भी लगनी चाहिए की झंटू बजरू औरत की गंदगी में पड़ा था और हम तीनो को हमारा छोटा नन्दोई माँ भी बना गया ".
पुष्प कड़ी होकर ," फिर कपडे तो उतरो जीजी तभी नन्दोई की सेवा कर पाएंगे "....... hi hi hi hi hi ...... एक गए और समझौता करती तीनो को आर्यन आज रात हर हाल में अंदर चाहिए था क्योंकि पोल तो तीनो की आर्यन के सामने खुल hi चुकी थी की तीनो राजी हैं तो जिसने की शर्म उसके फूटे करम .
आर्यन भी कातिल मुस्कान दिए हुआ कहा," आपके पति मुझे जान से मार देंगे बड़ी मुश्किल से मैंने दीप्ति को पाया है बात खुली तो में कहीं का नहीं रहूँगा".
जवाला जोह आर्यन से चिपकी हुयी थी अपना हाथ लोअर से अंडरवियर में दाल आर्यन का मोटा लौड़ा हाथ में थाम ली थी ......
पुष्प ने आर्यन की नंगी पीठ पे हाथ फेर के कहा ," देखो आर्यन हम सब तुम्हारी बड़ी भाभियाँ है रिश्ते से फिर हम किस बहार के आदमी के पास नहीं आयी हैं , बच्चे के लिए तुमसे मिलान इशलिये कर रहे क्योंकि तुम्हारे बच्चे महिमा और राहुल बहोत सुन्दर है और फिर क्या तुमको अच्छा लगेगा तुम्हारी भाभी को सब बाँझ कहें ...... तुमको हमारे पति का डर है तो सुनो कल सबके सामने हम तीनो को बाँझ कहकर बेइज्जत किया, खून के आंसूं रूए हम तीनो फिर हम ने तुमको चुना . तुम कल चले जाओगे यह बात यही ख़तम हो जाएगी मगर सायद हम अपने को पूरी औरत दुनिया के सामने साबित कर पाएंगी खासकर अपने नपुंसक पति को ".
जवाला आर्यन की कमर पे अपना चेहरा रगड़ती उसकी पीठ पे रगड़ती लुंड को हिलती चूम भी रही थी की उसका जोश काम न हो ," आर्यन तुम बहोत सूंदर हो मैंने तुम्हारे जैसा मर्द नहीं देखा, आज तक मैंने अपने पति के अल्वा किसी मर्द को हाथ नहीं लगया पर आज कुछ तो मजबूरी होगी हम तीनो अपना पतिव्रता धरम तोड़कर तुम्हारे सामने बेशर्मी से बच्चों की भीख मांग रही है ".
आर्यन ने पलट के प्यार से तीनो के बारी बारी गाल चूमे ," ठीक है भाभी जी में आपके सर किसी के आगे शर्मसार नहीं होने दूंगा पर आप हाथ तो निकाल लो अंडरवियर में वैसे hi जगह काम है"...... है है है है ......
कावेरी और पुष्प भी जवाला का हाथ आर्यन के लोअर के अंदर देखि तो हसने लगी , कावेरी ने एक धप्प मारा उसकी कमर पे ," आर्यन मेरी िश सौतन भें जवाला में सबसे ज्यादा गर्मी है इश्के नाम की तरह , हमारे पति को भी अपनी तंगिओं में दबाये पड़ी रहती है , चल उसको अपने हिसाब से करने दे ".
आर्यन हसकर ," ठीक है फिर आप डीडे करो एक साथ या अलग अलग प्यार करना है ".
जवाला झट से ," एक साथ आर्यन हम चरों एक साथ प्यार करेंगे , भगवन ऐसा मौका फिर कभी दे न दे क्यों पुष्प ?"
आर्यन ने सबसे पहले जवाला को उठा लिया फिर बीएड पे लिटा के उसको चूमते हुए उसका ब्लाउज , पेटीकोट , ब्रा , पेंटी निकाल के नंगा कर दिया फिर कावेरी की तरफ बढ़कर उसको गॉड में उठाया बीएड पे बैठे बैठे hi तोह वह भी उसकी ताकत का लोहा मान गयी , 80 कग के करीब होगी सब कुछ बड़ा बड़ा , किश करते उसके पूरे सवाल चेहरे को चाट के उसकी बड़ी बड़ी गांड और चूची मसल मसल के लाल कर दी नंगा करते हुए ..... उसके कान में बोलै ," भाभी आपकी गांड भी मारनी पड़ेगी क्या मस्त है लगता है खूब म्हणत हुयी है "......
कावेरी आर्यन के गाल चूमते हुए ," तेरा मुसल पहाड़ देगा मेरी पर बीज मेरे आगे hi डालना "......
आर्यन तो इतना खुश हुआ की पूरा सरीर चूम डाला कावेरी का , बिलकुल उसकी दादी देवी की कॉपी होगी ...... तरबूज के साइज की गांड और कच्चे नारियल के साइज की बड़ी बड़ी चूची मसल गदरा पेट भरी कमर ..... थोड़ा कलर सावला था पर आर्यन तेरा कलर ब्लाइंड .
आर्यन भी अपना डेजर्ट कावेरी को आखिरी में खाना चाहता था तो कान में बोलै," आपको लास्ट में प्यार करूँगा ताकि बहोत डिअर तक करूँ "...... यह दोनों आपस में भिड़े थे उधर आर्यन के लोअर और अंडरवियर उतर के उसको नंगा कर दोनों छोटी रानियां उसके प्रचंड लुंड और बड़े अमरूद जैसे तटों से खेल रही थी......
जबर सिंह तो आज अपनी तीनो बीवियों की गालियां और आर्यन को इमोशनली राजी कर लेने पे गहरे शॉक में था , अगर ठीक होता साली तीनो को काट के कुत्ते को खिला देता ...... मजबूरी ने क्या से क्या बना दिया ..... अभी सिर्फ 2:30 बजा था और उसकी तीनो रानियों ने आर्यन को सीधा बीएड पे लिटा दिया था दोनों छोटी बारी बारी उसका लुंड चूस के मजा कर रही थी वहीँ कावेरी को आर्यन अपने मोह में बिठा के उसकी चूचियां दबा दबा के छूट चूस रहा था ......
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राजा जबर सिंह की 3 नंगी रानियां .....
1) रानी कावेरी ...... आगे 44 यरस, सवाली और हटती कटती , फिग 40- 36- 42 , हट 5' 9" , नेचर की दबंग पर केयरिंग .
2) रानी जौला ...... आगे 37 यरस , सबसे गोरी , जबरदस्त फिग 38-30-38 , हट 5'6" फट , चुलबुली और मजाकिया ......
3) रानी पुष्प ..... आगे 32 यरस , सूंदर , फिगर 36- 30- 38 , हट 6 '1" फट , सबसे लम्बी और बिंदास नेचर वाली .......
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आज तोह तीन अलग अलग उम्र की और अलग अलग जिस्म की औरतें आर्यन के साथ बिस्टेर पे थी , उसको भी अंदाज़ा नहीं था की तीनो सरीफ रानियां इतना कामुक और खुला मजा भी ले सकती है . तीनो की छूट खुसी के आंसूं बहा रही थी वहीँ पति खून के आंसूं बहा रहा था पर साला था बहोत बड़ा ठरकी , बीवियों को इतना बड़ा लौड़ा चूसता देख खुद का लुंड भी खड़ा हो गया पर खुला होता कमसे काम मुठ hi मार लेता ...... एक तरफ उसके मैं में जिगशा थी यह तीनो इश्को अंदर नहीं ले पाएंगी और उसको घिन आ रही थी आर्यन कैसे कावेरी की काली छूट और गांड चाट रहा है चींईईई साला में बगैर थूके hi छूट छोड़ता आया हूँ यह आर्यन को िश कालवी में क्यों इतना इंटरेस्ट आ रहा है .
आज सच्च में तीनो रानियों को अपना असली राजा मिल गया था जोह तीनो को एक hi बिस्टेर पे प्यार करने वाला था मगर यह भी आर्यन का सात्मिना नहीं जानती थी लेडीज पार्टी में आयी साड़ी औरशन लड़कियों को अकेला hi संभल लेता यह तो सिर्फ तीन घरलू औरतें थी .
जोहरी hi हीरों की कदर और कीमत जानता है , कावेरी अपनी गांड भी मरवा ली कितनी बार जबर सिंह से पर उसको काम hi अच्छी लगती कलर की वजह से पर बहोत प्यार करने वाली चीज़ है आर्यन पहली बार में पहचान गया ...... जितना खुश कावेरी को करोगे उल्टा डबल खुश करेगी ...... जवाला बहोत कामुक थी उसको सेहलना रगड़ना और लम्बी चुदाई बड़े लुंड से पसंद थी पर कभी मिला hi नहीं ...... पुष्प को सेक्स बस अपने पति से hi पता चला पर वह सच्च में प्यार करने देने वाली औरत थी . आर्यन उसको इशलिये पसंद करता था बहोत अच्छी नेचर की प्यारी भाभी थी .
कावेरी के 2 बार झड़ने के बाद पूरा छूट रास चाट के पि गया फिर जवाला को लिटा के उसकी छूट चूसने लगा चूची मसल मसल के तो मस्ती में सिसकारी लेती वह भी 3 मं में झाड़ गयी , अपना लुंड कावेरी के हाथ में दिया तो बहोत hi अच्छी तरह से दिल लगा चूस के गिला कर दी तबतक आर्यन ने पुष्प के छूट चूस के उसके झाड़ा और सारा रास पानी पि गया.
जवाला जोह उसके सीने पे झुकी उसको चूमे जा रही थी आर्यन को बोली ," आर्यन अब मुझसे रुका नहीं जा रहा है कुछ करो न ".
आर्यन भी मुस्करा के उसको बाँहों में लेकर पलट के निच्चे किया और चूमते हुए बोलै ," हाँ में भी देखूं आपका प्यार जोह राजा शभ आप की टांगों में पड़े रहते हैं "..... hi hi hi hi hi .....
घुटनो पे बैठकर पुष्प से एक तकिया लिया जवाला की गांड के निच्चे लगा के उसकी दोनों चूची को मसल के अपना लौड़े का सूपड़ा उसकी छूट पे रगड़ा ..... जवाला ," सीईईई अह्ह्ह्हह ारयणणणणणण ..... पहले क्रीम लगा लो नहीं तोह में झेल नहीं पाऊँगी ".
पुष्प भी बीएड से उतर के क्रीम निकली ड्रावर से तो आर्यन बोलै ,"रख दो जरुरत होगी तो लगा लूंगा पर भाभी आपको माँ बनना है तो दर्द झेलना पड़ेगा , यह क्रीम स्पर्म या एग को डिस्ट्रॉय कर सकती है वैसे भी आप पूरी गीली हो और अंदर से बहोत चिकनी बस हिम्मत दिखाना ".
पुष्प को अपने पास बिठा के उसके लिप्स चूम के बोलै ," आप मेरे पास hi बैठो और कावेरी भाभी आप इनका सर और चूची सेहलते रहना दर्द में यह भागने की कोशिश करेंगी बस आप उनको शांत करना "......
जवाला हसकर ," तुम मुझे बच्ची समझ रहे हो क्या , डालो में भी देखूं कितना डैम है ...... उईईईईई माआआआआ मरररररर gayiiiiiiiiii ...... "...... उसकी बात बिच में रह गयी पर कावेरी ने उसका मोह hi अपने हाथ से बंद कर दिया ......
आर्यन का 5 इंच मोटा टोपा छूट पहला के अंदर घुस चूका था ...... दोनों हाथो से जवाला की कमर थामे आर्यन बोलै ," पुष्प भाभी इनकी छूट सेहलो अब दर्द ज्यादा होगा "..... और कमर से ताकत लगा फिर 3 प्रचंड झटकों में पूरा लुंड गहरी तक थोक के जवाला के ऊपर लेट के उसकी चूची दबाता गाल चूमने लगा," बस हो गया ...... "
आँखों में आंसूं की धार और पेट की कंपकपी बता रही थी बहोत दर्द हुआ," मारररररररर दियाआ...... मेरी छुट्ट्ट्ट पहाड़ड़ड़ड़ड़ड़ड़ डीइइइइइइ ...... निकालललललललल बहरररररररर मररररररर जौंगीीी ...... ".
आर्यन उसके लिप्स गाल चूम के आंसूं चाट चाट के साँवन्तना दिया फिर ढेरी देहरी कमर हिला के हलके हलके धक्के मारने लगा पर सुबकियां अभी भी आ रही थी ..... दोनों सौतन उसका सर सेहला के बता रही थी अब दर्द नहीं होगा पूरा चला गया...... जहाँ कावेरी को पता था की दर्द तो होना hi है वहीँ पुष्प तो कल रात hi ुष दर्द से गुजर चुकी थी ......
5 मं सेहलने चूमने और साँवन्तना ने जवाला के दर्द में कमी लायी और अब वह भी अपनी बाहिएँ और टांगें आर्यन पे लपेट के किश का जवाब देती छुड़वा रही थी ...... जल्दी hi आर्यन की म्हणत रंग लायी तो चिक्तियन हुयी झड़ी , अब खुद आर्यन को चूम चूम के और तेज़ और तेज़ बोल रही थी पर 5 मं बाद फिर झाड़ के पष्ट हो गयी तो आर्यन ने लुंड बहार निकाला तो छूट का खून और पानी लगा था ......
जवाला का पेटीकोट कावेरी से लेकर लुंड पहुंच के जवाला का पेट चूमा ," अभी थोड़ा रेस्ट करो फिर आपको जोरसे पेलुँगा पुछःह पुछठ ".
जवाला उसके सर पे मार के ," बहोत जोरसे डालता है मुझे लगा मरी में पर मजा भी आया , ऐसा लगा आजतक में किसी गांडू लुंड से hi छुड़वा रही थी यह असल लुंड है बहोत शक्तिशाली , आज से तू hi मेरा मर्द है कभी कभी मुझे छोड़ते रहना".
आर्यन ने पुष्प को अपने निच्चे लिया उसकी छूट चूस के लुंड को 3 बार के झटकों में पेल दिया पूरा अंदर ...... दर्द से वह भी चिल्लाई पर जल्दी संभल गयी फिर एक बार झड़ी तो आर्यन उसको अपने ऊपर लिटा के निच्चे से धक्के मारते छोड़ने लगा ....... कावेरी को अपनी तरह झुका के उसकी चूची पीने लगा और एक हाथ से उसकी छूट और गांड सेहलने लगा ......
जवाला साइड में लेती अपनी दोनों सौतन की मस्ती लेती फिर से गरम हो रही थी पर दर्द की तीस अभी भी थी छूट में ...... जब एक बार ओरे पुष्प झाड़ गयी तो लुंड बहार निकाल के साइड में लेती जवाला को पुष्प के ऊपर लिटा दिया .......
आर्यन ," चिंता मत करो 3-3 मं बारी बारी से पेलुँगा फिर दोनों के अंदर विरए डालूंगा बस तैयार हो जायो थोड़ा घेरे धक्के मरूंगा ...... कावेरी भाभी आप अपनी चूची मुझे पिलाती रहो "......
अब जवाला को पहले आधा लुंड दाल के छोड़ा उसके झड़ते hi फिर पुष्प की छूट को पिस्टन की तरह ठोकने लगा , उसके ऊपर लेती जवाला भी आगे पीछे हिल रही थी झटकों की वजह से ...... फिर 3 मं बाद जवाला की छूट की धजिअं उड़ाते हुए कावेरी की चूचियां चूस चूस के लाल कर दिया ....... फिर 2 मं 3-3 बार लुंड से गहरी पेले करके पहले जवाला की छूट में 6 पिचकारी मारी विरए की फिर पुष्प की छूट में बची हुयी ...... दोनों तरपत हो गयी ...... एक घंटे की चुदाई ने दोनों को थका दिया था ......
कावेरी के कान में कुछ बोलै और उसका गाल चूम के उसके चूतड़ थप थापा दिया .
नंगी बीएड से उतर के वह बाथरूम में चली गयी , फिर दोनों के आजु बाजू लेटकर बारी बारी चूमा ...... पुष्प ने पुछा ," बड़ी दीदी को प्यार नहीं किया वह कहीं नाराज नहीं हो गयी ".
आर्यन का सीना सेहलती जवाला बोली," नहीं नाराज नहीं खुश हैं वह ...... आर्यन तुम उनको अकेले प्यार करोगे न तभी हम दोनों की फाड़ डाली बेदर्दी से पेल के ".
आर्यन हसकर ," अरे मैंने ढेरी hi किया फिर अभी बड़ी भाभी को देखना सुबह तुम दोनों उनके चरण छु रही होगी वह बहोत सहनशील औरत है, बुरा न मन्ना मुझे वह बहोत अच्छी लगी थोड़ी दबंग है पर बहोत केयरिंग".
जवाला ने आर्यन के निप्पल को चाट के कहा ," नहीं मुझे तो अच्छा लगा तुम ने मुझे पहले प्यार किया , पुष्प को भी किया अब दीदी को अच्छे से प्यार करो हमको भी पता है वह अच्छी हैं ".
आर्यन बोलै थोड़ा तुम्हारी योनि की सिखाई कर देते हैं और दोनों को अपनी गॉड में एक एक बाँहों में उठा लिया ...... दोनों खिलखिला के हसने लगी वहीँ जबर सिंह अपनी तीनो बीवियों की मस्ती देखकर बस हैरान परेशां .
बाथरूम में एक बाथटब नुमा हौज सी थी जिसमे गरम पानी भर रखा था कावेरी ने , आर्यन की गॉड में एक एक साइड दो छोटे बच्चे जैसी दोनों सौतों के देखकर हसने लगी ....... आर्यन ने ुष हौज में उनको उतरा फिर खुद भी अंदर बैठकर दोनों को अपनी साइड बिठा लिया .
कावेरी को भी अंदर बुलाया तो तीनो के सामने बेथ गयी पर आर्यन ने अपना हाथ उसकी तरफ करके अपनी तरफ बुला उसकी पीठ अपने सीने से लगा के गॉड में बिठा लिया ...... कावेरी दिल से बहोत खुश थी आर्यन ने उसको अभी तक उसको नहीं छोड़ा था पर हर समय अपने से लगाए रखा .
कावेरी जानती थी उसकी दोनों छोटी सौतन जवान हैं बहोत खूबसूरत भी किसी को भी पसंद आएँगी , में तो जैसे गोश्त की चलती फिरती दूकान पर उसका फिगर उसकी उम्र की औरशन के हिसाब से था पर सब बड़ा बड़ा ....... देवी और ठकुरियन रूपा तो इससे भी ज्यादा मसल और तगड़ी थी जबकि लीला जवान थी ऊपर से एक्ससरीके और फिटनेस का ध्यान रखती थी पर वह सबसे लम्बी चौड़ी होगी . हाइट में लीला के बराबर जाने hi थी .
जवाला और पुष्प की छूट में गरम पानी की सिकाई से करता आर्यन अपने हाथो से सेहला रहा था ...... कावेरी के गाल और कान चूम लेता .
जवाला सीईईई अह्ह्ह्हह करती बोली ,"वैसे आर्यन हम तीनो को तुम्हारे साथ ऐसे अपने असली पति को पाने का अहसास हो रहा है काश हम भी दीप्ति और उसकी 5 बहेनो (सौतन कहना उसने ठीक न समझा) जैसे लकी होते और तुम हमारे पति होते ".
आर्यन ने अपना चेहरा जवाला की तरफ करके उसका गाल चूम लिया तो उसने आर्यन के होंठ चूस डाले अपनी बहन उसकी गर्दन पे लपेट के ..... मुह्हह्ह्ह्हह चुम्म्म्म मुहह्ह्ह्ह ......
आर्यन ने जब उसकी क्लीट दो ऊँगली से दबा दी किश तोड़कर सीईइईसीईई अह्ह्ह्हह ारयणणणणणण रुक्खक्क जाआआ ...... " आप तीनो मेरे साथ हो और आपस में भी एक दुसरे के लिए रेस्पेक्ट और प्यार भी बराबर है , आज आप मुझे अपना पति hi समझो बस हमारा रिश्ता हमको दुर्र रखेगा पर दिल नहीं . आप तीनो मेरी प्यारी प्यारी भाभियाँ जब चाहेगी एक पति के रूप में आपको प्यार करने आ जाऊंगा पर कब वादा नहीं कर सकता ?"
पुष्प कुछ सोचकर ," आर्यन में अब से सिर्फ तुम्हारी हूँ मेरा पति भी अब मुझे छु नहीं पायेगा "......
आर्यन ने उसको भी किश किया और बोलै," फिर अपने गर्भ में रहने वाले बच्चे के लिए क्या कहोगी , देखो आप सब रानियों भी हो अपने राज्य की ...... बच्चे वहां की राजगादी के वररिस हो इशलिये अपने पति को शाख भी नहीं होने देना , वह राजा है और पावर ुशी के पास है ".
कावेरी तो अपनी hi सपनो की दुनिया में थी बस उसको आर्यन का इंतज़ार था जबकि कमर में लगता उसका आधा अकड़ा लुंड उसको बेसब्री कर रहा था .......
जब दोनों को बारी बारी चूम के आर्यन बोलै ," आप थोड़ा अपनी सिकाई करो में बड़ी भाभी को रूम में पहुंचा देता हूँ ".
दोनों ने जल्दी से उसकी बाहिएँ पकड़ ली तुम हमारे पास hi रहो , कावेरी भी आर्यन का गाल चूम के बोली ," तुम दोनों का ख्याल रखो में बैडरूम में हूँ ".
वह कड़ी हुयी तो उसकी मोती झांघो और तरबूज जैसी गांड गीली देखकर आर्यन के मोह में पानी आ गया पर अब उसको िंह दोनों छोटी रानियों को पहले सिलटना था और यह कावेरी भी चाहा रही थी की आर्यन जब उसको प्यार करे तो दोनों डिसट्रब न करें...... उसके जाते hi आर्यन दोनों को बारी बारी किश करते छूट सेहला के साफ़ भी किया और दोनों को एक बार अपनी उंगलिओं का जादू दिखा के झाड़ भी दिया.
फिर दोनों को नेहला के उनको टॉवल में लपेट के अपनी गॉड में उठा के बैडरूम में लाया तो कावेरी वहां न थी , दोनों को बीएड पे लिटाकर एक ब्लैंकेट दाल के धकार दोनों के माथे को चूमा तो पुष्प और जवाला ने जोह उसको बोलै तब कुछ सोचकर बोलै कोशिश करता हूँ अब दोनों आराम करो . दोनों बड़ी सौतन की चुदाई देखना चाहती थी .
आर्यन बगल वाले रूम में बिच के दरवाजे से पहुंचा पर बांध नहीं किया, बेडलैम्प की रौशनी में उसको कावेरी एक ब्लैंकेट में दिखी लेती हुयी जोह उसको देखकर मुस्कारने लगी पर उसके सवाल गाल पे छोटे छोटे पड़ते डिंपल आर्यन को उसकी सुंदरता और सादगी बयान कर रहे थे . रंग रूप भगवन देता है तो उसके साथ दिल भी देता अच्छा या बुरा और आर्यन को यह बड़ी रानी कावेरी दिल से लेकर रंग रूप में भी सबसे अच्छी लगी .
आर्यन ने सोच लिया था की कोई माँ बने न बने यह औरत माँ बनने के लिए hi जानामि है भले hi 44 साल की हो पर भगवन इश्को माँ जरूर बनना कितनी अच्छी है .
आर्यन भी खुश होता हुआ बीएड पे पास जाकर अपनी कमर से टॉवल उतर के अपने पूरे नंगे बदन और तोपची के दर्शन करवा उसके साथ ब्लैंकेट में घुस गया तो सेक् भर में दोनों एक दुसरे को बिछड़े प्रेमी की तरह किश करने लगे , दोनों के हाथ एक दुसरे के जिस्म पे फिसल रहे थे चूमते हुए , ब्लैंकेट कब का बिस्टेर से निच्चे पहुंच गया दोनों के बीएड पे करवट लेकर एक दुसरे के ऊपर चढ़ते हुए ....... कभी आर्यन ऊपर तो कभी कावेरी , पुछःह पुछठ चुम्म्म चुम्म मुहह्ह्ह्ह मुह्हह्ह के साथ कावेरी की चूड़ियों और घुंघरू वाली पायल की आवाजें आ रही थी जोह दुसरे रूम में तीनो को बेचैन कर रही थी ......
दोनों छोटी रानियां सोच रही थी दीदी आर्यन क्या कर रहे हैं वहीँ सबसे बुरी पोजीशन तो जबर सिंह की थी ...... वह जिस अलमारी में था उसको िश कक्ष का बीएड तो पूरा दीखता hi था और तिरछे एंगल से Aryan-Kaveri वाला दुसरे कक्ष का बिस्टेर भी .
जबर सिंह ज्यादा हैरान था की यह आर्यन सच्च में िंह हरामजादी रानियों के जाल में फस गया है , पुष्प और जवाला को छोड़कर कोई कावेरी जैसी मोती काली भैंस पे थूके भी न पर आज उसकी सच्च में कावेरी गांड फाड़ने वाली थी अपने जलवे दिखा के .
जल्दी hi आर्यन कावेरी की चूची पीते हुए वह बोल hi पड़ी ," आर्यन तू चाहे पहले पीछे से कर ले अब मुझसे रुका नहीं जा रहा , एक घंटे से ज्यादा नंगी होकर बस चूस्वा और चटवा hi रही हूँ , कितना चाटेगा अब तू अंदर आ जा अपनी भाभी के ".
आर्यन ने उसकी चूची से मोह हटा के उसके लबों को चूमने लगा अपना प्रचंड लुंड उसकी छूट की फांकों पर रगड़ते हुए दोनों बड़े बड़े स्तन भानपू की तरह दबा दबा कर .....
उसके लबों को आजाद किया और थोड़ी को चूसते हुए बोलै ," पहली शरत आज से में आपको भाभी माँ बोलूंगा और आप मुझे अपना बीटा बोलै करेंगी ".
कावेरी भी हसकर ," ुष में क्या बड़ी बात है तू मुझे माँ भी बोल ले और बीटा तोह है hi तू मेरा जब दीप्ति मेरी बेटी जैसी है , आर्यन मुझे सच्च बता कोई तोह है मेरी जैसी जोह तेरी ज़िंदगी में पहले भी है क्योंकि तेरी आँखों में मेरे लिए इतनी तड़प ऐसे नहीं आ सकती ".
आर्यन भी मुस्करा के उसका गाल चाटने लगा और कान में बोलै ," जब वह आएगी न तो आपको उसके साथ प्यार करूँगा बस और कुछ मत पूछना वह भी आप की तरह बहोत प्यारी है देखना आपको बहोत पसंद करेगी "...... पुछःह पुछठ .. ....
कावेरी भी हसने लगी .... " hi hi hi hi ..... बहोत चालू है तू तोह पर सच्ची मुझे सच्चा प्यार हुआ बुढ़ापा में ...... hi hi hi hi hi ...... "
आर्यन ," अरे आप कहाँ सा भुड्डी हो गयी , सब औरतें आपके सामने कुछ नहीं बस प्रैक्टिस नहीं की हो और मड़इन में पहली बार आयी हो , चिंता मत करो कितना भी दर्द दूँ सेह लेना आपको मजा आएगा फिर ऐसी मालिश करूँगा आपकी दर्द के बाद भी बोलोगी बस मेरे अंदर रह ".
बातें करते हुए भी दोनों एक दुसरे के सरीर सेहला रहे थे खासकर एक दुसरे के उत्तेजित अंगों को . कावेरी ने भी आर्यन को मौका न देकर दोनों के बीच हाथ दाल उसका मूसलचंद पकड़ के टोपा अपनी छूट के फांकों के बिच अदा के उसके गाल चूम के बोली ," दिखा म्हणत अपनी भाभी माँ को बीटा अब तू अंदर समां जा ".
जबर सिंह का आधा व्यू अब दोनों छोटी रानियों ने ब्लॉक कर दिया था जोह दुसरे कक्ष के बीएड के पास खड़ा होकर देख रही थी आखिर इतनी डिअर से क्या कर रहे हैं ...... अपनी बेचैनी ख़तम करने दोनों लंगडते हुयी भी यहाँ आ पहुंची .
आर्यन ने दोनों हाथ कावेरी की बगल से निकाल के उसके सर को पकड़ लिए और प्यारों ने पोजीशन टाइट पकड़ी ,उसके लबों को अपने लबों से सील कर एक तख्तवार धक्का मारा और तीन चौथी लुंड कावेरी की छूट फाड़ता अंदर जा घुसा सब नोट बोलता खोलता ..... ुहम्म्म्म ुहममममम ...... की आवाज के साथ अपनी लातें और हाथ चलती आंसूं निकलती उसकी पीठ और झंघों पे कास ली पर आर्यन ने हिलने भी न दिया , लुंड फिर से कुछ इंच बहार खींचा और थप्प्प्प्प की आवाज के साथ उसके अंडकोष घंटे के तरह उसकी गुदा द्वार पे बजे फिर चिपक गए......
पूरा लुंड थोक दिया 2 भीषण धक्कों में , छूट भार और अंदर से झक्मी सी हो गयी , आँखों की किनारों से बहते आंसूं अब कान और बालों को भी गीला कर रही थे पर आर्यन को दया न आयी क्योंकि वह जानता था अब भाभी पूरा ले ली है बस गरम करनी है पेलते पेलते ......
पुष्प और जवाला भी आर्यन की बेहरमी देखकर डर गयी की कैसे दीदी को कॅशे की तरह पेला है , छूट पहात गयी होगी ..... मगर आर्यन फिर लुंड आधा बहार खींच के उसके लबों को चूमता धक्के पे धक्के मारता अपने तोपची की जगह बनता जा रहा था ..... थप्प्प्प थप्प्प्प पहछहः पहछहः थप्प्प्प थप्प्प्प .......
जब लगा कावेरी की सांस उखड़ी हुयी है तोह उसके लिप्स छोड़कर अब पूरे चेहरे को चूमता हुआ बोल रहा था ," बस हो गया भाभी माँ अब दर्द नहीं होगा , आप तो बिलकुल कुंवारी लौंडिया हो इतनी टाइट छूट लेकर कैसे घूम रही हो पुछःह पुछःह पहुछठ ....... ".
कावेरी रूट हुए उसकी पीट पे मुक्के मारी ," हरामी मादरचोद मेरी छूट चीयर दी तू ने ,...... अह्ह्ह्हह्हह माआआआ ....... में झेल लेती अगर आराम आराम से करता न ...... मारररररर hi दे इतना दर्द दिया है ...... अब तोह रुक जाआ या मार के hi अलग होगा ?"
आर्यन उसको लुंड पेलते पेलते हुए भी ," आज आपको कुंवारी होने का अहसास करना था वैसे भी बहोत मलाईदार है आपकी मुनिया , इश्को तोह में रोज पेलुँगा ..... पूछह पुछःह ..... मेरी रानी माँ मेरी भाभी माँ ..... अभी देखो कभी दर्द नहीं होगा ".......
रोटी हुए भी वह चूमने लगी आर्यन को तो आर्यन भी अब बगल से हाथ निकल दोनों चूचियां दबा के लौड़ा छूट में पेलने लगा और अब मुस्करती दर्द सेहती भी कावेरी उसको चूम चूम के उकसाती और जोरसे पेल मुझे दर्द देकर पूरा थोक थोक के छोड़ ...... अह्हह्ह्ह्ह ारयणणणणणण मर्द है रे तू ...... हॉँण्णन ऐसे hi मेरी परवा न कर ...."
कावेरी की दोनों सौतन भी 5 मं में अपनी बड़ी दीदी का बदला अंदाज़ देखकर यह तो बहोत बड़ी चुदकड़ है पर अभी तो दोनों ने ट्रेलर hi देखा था ....... एक बार झाड़ के आर्यन को जकड ली फिर उसको चूम के बोली ," अब मुझे ऊपर आने दे फिर तेरी बारी ...... और तुम दोनों को देखना है तोह दुर्र से बैठकर देखो मुझे बिच में कोई नहीं चाहिए ".
जवाला हस्ते हुए बीएड के दूसरी साइड सिहरने पे बैठकर बोली," दीदी आप सच्च में दुमदार औरत हो 2 मं में सब दर्द झेल गयी , पुष्प तू भी आजा यहीं बेथ मेरे पास ऐसा मौका कहाँ मिलेगा अपनी हिटलर दीदी को मजा लेते देख ...... hi hi hi hi ".
पुष्प भी उसकी तरफ जाकर बैठकर बोली ," आर्यन बस दीदी का ध्यान रखना, उनको अभी बहोत दर्द हुआ है ".
लेकिन अपनी टांगें और बाहिएँ आर्यन पे लपेटे पूरी ताकत लगा लुंड छूट की घेरे में लिए पलट के ऊपर आ गयी आर्यन की मदद से ," जब तक मेरे अंदर बीज नहीं जाए, आर्यन मेरे बेटे ,तबतक लौड़ा मेरी छूट से बहार नहीं आना चाहिए फिर तेरा मनंपसंद इनाम दूंगी चाहिए मर्डर जॉन "..........
आर्यन के अल्वा कोई नहीं समझा पर कावेरी की बॉडी को प्यार से सहलाता उसको लुंड पे उछलने में मदद करता उसकी छूट का मजा लेना लगा , 7-8 मं बाद वह गुर्राती आगे झुकार आर्यन की गर्दन दोनों हाथ से दबोच ऊपर निच्चे अपनी तरबूज जैसी गांड जेट की स्पीड से ऊपर निच्चे चलती झड़ी , इतनी तेज़ आवाज थी सायद पूरे राजमहल में सुन्नी हो पर (चाय का जादू था) कुछ भी िंह दो कक्षों से बहार न जाने दे .
कावेरी की दोनों सौतन और पति की गांड hi खुसक हो गयी की आर्यन से छुड़वा रही थी कावेरी या उसको छोड़ दी , 3ऋ बार खड़ा हुआ जबर सिंह का 5 इंची का लुंड अपनी पटरानी का हिंसक रूप देखकर डर hi गया जोह करीब 30 फट की दुरी पे बेबस था .
आर्यन के सीने पे लेती कावेरी उसको चूमे जा रही थी और आर्यन की गर्दन में नाख़ून के निशान थे जो उसकी पकड़ बता रहे थे पर आर्यन ने दो जोरदार थप्पड़ चटाक चटक ...... मारे कावेरी की हथनी के साइज की गांड पे ...... कावेरी भी चीखी ," अह्हह्ह्ह्ह हरामीईईई मार मत ..... अह्ह्ह्हह्हह ".
पर आर्यन तो अभी शुरू हुआ था अब वह उठकर बेथ घूम के अपने लुंड को कावेरी की छूट में डाले डाले hi बिस्टेर से निचे उतर के खड़े खड़े hi उसको छोड़ने लगा अब कावेरी चिक्ति , आर्यन हुंकारता पर यह सिलसिला करीब 10 मं बाद hi 2 बार कावेरी के झड़ने पर रुका .......
आर्यन ने अब फर्श पे लिअत के उसको लुंड पे बैठे बैठे hi घुमा के उसकी पीठ अपने सीने से लगा और दोनों चूची थाम अपनी कमर जमीन से 30 डिग्री तक उठा के निच्चे से दबा दबा के धक्के मारने लगा ...... चिक्तियन हुए एक दुसरे को गाली गलोच करते हुए कावेरी ने अपने हाथ निच्चे फर्श पे टिक्का आर्यन को पूरे स्ट्रोक्स मारने में मदत करती ......
फिर से झड़ी तो आर्यन उसके दोनों चूतड़ थाम फिर से खड़ा और बीएड पे उल्टा लिटा उसके ऊपर चढ़कर बहोत ताकत से स्ट्रोक मारने लगे दोनों चूची थामे , कावेरी ने आर्यन का सर पकड़ उसका मोह अपनी गर्दन और कान पे लगा रखा था .......
अब उसने आर्यन को चलेंगे करते हुए कहा ," भर दे बीज मेरे शेर , मेरे बेटे , मेरे बालम यह रानी कावेरी तेरी गुलाम हुयी , नंगी करके गले में पत्ता दाल के भी घूमेगा तब भी तुझे कोई नहीं टोकेगा ....... अपनी भाभी माँ को माँ बना दे मेरे बच्चे ...... पुछःह पुछठ " .......
जाने क्या जादू था िश औरत में आर्यन भी बाकी तीनो को उसके हाथ में कटपुतली hi लगा ...... एक नहीं दो नहीं पूरी 12 पिचकारी मारा सीधा बच्चेदानी में और आँख बांध करके मैं में बोलै ," गुरूजी िश देवी जैसी औरत को माँ जरूर बनने का आशीर्वाद देना ".
दोनों सौतन की छूट भी दर्द के बाद रास टपका रही थी पर 5 मं बाद कावेरी थोड़ी सम्भली और जोरसे बोली," जाओ दोनों मेरे बेटे के लिए कुछ कहने का इंतज़ाम करो , बस दोनों से ठिठोली करवा लो "...... दोनों चली गयी और फ्रीज़ से केक , फ्रूट्स , जूस और पानी लेकर आयी तोह दोनों बाथरूम में थे .......
कावेरी ने दर्द के बाद भी आर्यन को बहार भेजा और बोली में 10 मं में आयी तू इतने खा - पि ...... आर्यन ने कहा "आप रहने दो थक गयी हो भाभी माँ".
आर्यन के गाल पे किश करके ," तू ने दिल जीता है मेरा तेरा तोफा तो देना hi पड़ेगा , जा मुझे रेडी होने दे ".
आर्यन बहार आया तो दोनों छोटी रानियों ने उसको अपने हाथों से खिलाया पर चुदाई की कोई बात नहीं की फिर 15 मं बाद कावेरी आयी ," जाओ दोनों सू जायो सब डिअर से उठी तो साख होगा ".
दोनों का मैं तो आर्यन की बाँहों में सोने का था पर बड़ी दीदी की बात न काट सकीय ...... फिर 10 मं में दोनों नंगे हुए , अपनी तबलये जैसी बड़ी गांड को पूरा अंदर तक चिकना करके आयी थी एक अनल जेली से फिर तोह आर्यन ने 30 मं जोह गांड मारी उसकी रुला रुला के बगल के कक्ष में भी तीन लोग डर गए की आर्यन कावेरी का जंगली बने चीख पुकार और गाली सुनके ..... पर जैसे परवा hi न थी दोनों चुदकड़ खिलाड़िओं को .
कावेरी ने टक्कर तोह खूब दी पर आर्यन की टक्कट और प्रचंड तोपची ने हरा hi दिया , आखिर में आर्यन उसको उठा के बाथरूम ले गया दोनों को अंग अंग अच्छे से साफ़ कर दिया फिर 15 मं खूब प्यार से हलके हलके धक्के के साथ उसको सेहलते पुचकारते चूमते hi छूट मारी और दूसरी बार बीज भर दिया कावेरी की छूट में ......
कावेरी तो जैसे दिलोजान लौटा दी थी आर्यन पर , क्या किस्मत है मेरी असली मर्द मिला उम्र के िश पड़ाव पर आकर . लेकिन आर्यन ने उसको फिर से प्यार करते रहने को पुछा तोह बोली ," हर जगह तेरा छप्प की मोहर लग गयी है और भगवन ने चाहा तोह तेरा खून भी मेरी कूख से पैदा होगा ".
जहाँ सुबह तक अपनी आँखों के सामने आर्यन के घोड़े जैसे लुंड पे अपनी तीनो रानियों का रान्दीपना देखा ...... जबर सिंह को िश काण्ड ने पूरी तरह तोड़ दिया ....... कभी रूट रहा बस अपनी बेबसी पे आखिर सजा hi ऐसी मिली ..... ुष कामिनी डाइयाँ चाय के चक्कर में ? आर्यन भी किन घटिया औरशन के बिच फँस गया . गीता- दीप्ति को पता चला तोह िंह के साथ आर्यन की भी खैर नहीं ?
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आर्यन जब कावेरी की अच्छी मालिश करके उसको बीएड पे सुला के कक्ष से बहार निकला तोह 5 :30 बजे सुबह के चाय कड़ी मुस्करा रही तो आर्यन भी हसकर बोलै," कोई देख लेता तोह तब ?"
चाय ने आर्यन के गले में बाहिएँ दाल के ," महार्यं हम गलत कार्य भी मैं लगा के करते हैं और हम तीनो बहेनो का इनाम कब मिलेगा ".
आर्यन हसकर उसकी कमर में हाथ दाल के अपने से चिपका के बोलै ," दीप्ति से पूछ लो में मन नहीं करूँगा ".
चाय चिढ़कर ," वह कभी हाँ नहीं करेगी पर एक हमको भी मिल गयी है जोह हमारी मदद करेगी बस अब तुम मत मुकरना , समझे "...... और उसका गाल चूम के कक्ष में चली गयी अपना काम पूरा करने .
आर्यन सर झटक के पक्का मीणा होगी अब यह दिन आ गए में रक्षाशनी को छोड़ू मगर तीनो के बदन की खुसबू मुझे बेचैन कर देती है , चलो इनको बाद में देखूंगा पहले लीला से मिल लेता हूँ गयम में .
आर्यन जब मिरदुला के कक्ष में पहुंचा तोह वो सू रही थी आर्यन अपना ट्रेक सुईठे और शूज पहनकर गयम पहुंचा तोह साया उसको दूर पे मिल गयी और उसने बतया की सूरज सिंह का इंतज़ाम कर दिया है वह तो डरपोक निकला .
आर्यन उसको हसकर कहा ," चलो फिर त्यार रहो कई नए शिकार आ रहे हैं आज , बस उसको मत मार देना उसकी मौत किसी और के हाथ लिखी है ".
तभी वहां माया और चाय भी आ गयी माया ने बतया की राजा त्रिभुवन सिंह आराम से उठेगा उसको रात में hi बिजी करवा दिया था .
साया मुस्करा के बोली," महार्यं अगर तुम कहो तो िंह दोनों राजाओं का भी हमे तोफा दे सकते हो ? ....... hi hi hi hi ..... "
आर्यन मुस्करा के ," अभी नहीं क्योंकि गुलामो की जरुरत राजगद्दी को ज्यादा है, चलो जाने की तयारी करो तुमको दिल्ली में शिकार पर भेजता हूँ पर एक रात में बस 10 शिकार ".
तीनो को आँखों में चमक थी रात में बस जबर सिंह के सिर्फ 3 आदमी hi शिकार कर पायी ...... चाय ने बता दिया जबर सिंह का पक्का इंतज़ाम करके आयी है .
जबर सिंह की तोह पहले hi फटी पड़ी थी बेचारा को अभी अभी उसके आएसी वाले कक्ष में चाय फिर से अपना दानव रूप दिखा के धमका आयी थी ," अगर तेरी जुबान खुली तोह तेरे पूरे परिवार में पानी देने वाला न मिलेगा और उन्ह चरों को तो पता भी नहीं रात में कितनी रंगरलियां उन्हों ने मनाई है ........ तू जिन्दा सिर्फ राजकुमारी दीप्ति के कारन है जिस दिन मोह खोलने या किसी को भी बताने की सोचा भी ुशी समय में सामने होंगी" ......
इतना बोल के चाय के हाथ से एक सांप की तरह जीव निकला करीब 2 फट लम्बा पर था लीच की तरह बिलकुल काला ...... देखते hi देखते वह डर से चीखते हुए जबर सिंह की गर्दन से लिपट गया और चाय का हाथ उसकी तरह होने पे एक ताबीज में बदल गया ...... "यह हमेशा तेरे गले में रहेगा जबतक तू अच्छा बना रहेगा यह ऐसे hi रहेगा , वार्ना कहाँ से तेरे अंदर घुसेगा कहाँ निकलगे यह तू सोचने के लिए जीवित नहीं होगा "...... डर के मारे बेहोश हो गया और चाय यहाँ सब कुछ बता दी .....
आर्यन भी खुश होता हुआ ," तुम तीनो तो कमाल हो यार , हमेशा यहीं हमारे साथ रहो मजा आएगा ".
पीछे से गीता ने आर्यन को कमर में गुहत मारा ," सुधर जा लड़कियां देखनी नहीं लार टपकनी शुरू "......
आर्यन पलटा तोह गीता के साथ मीणा , लीला , दीप्ति और सारू भी थी सब ट्रेक सुईठे में ...... आर्यन पहले अपनी चंदा रानी को गले लगा के गाल पे गुड मॉर्निंग किश किया फिर सबको बारी बारी ....... फिर सब निकल गए राजमहल के प्रांगण से होते उद्यान और स्टेडियम तक मॉर्निंग वाक पे .
फिर सब उन्ह पशु पक्षिओं को बाकी सब कर्मचारी के साथ भोजन भी खिलाये और आर्यन , दीप्ति ने तोह उनकी भासा में बातें भी की जोह दोनों अच्छी तरह कर लेते थे .......
सब खुश थे खासकर दीप्ति कल उसको आर्यन ने स्पेशल प्यार किया और आज अपने साथ भी ले जा रहा था ....... पर दीप्ति को कहाँ पता था उसको प्यार करके आर्यन उसकी सब मोह बोली मम्मीयों को छोड़ दिया रात भर में और अब कितना भोला बनकर सबसे हसी मजाक कर रहा है .
मीणा तोह डबल खुश थी उसको लीला और मंदाकनी ( लीला की बड़ी भें) का अफ़सोस था की आर्यन इनको भी लपेट लेता तो अच्छा होता ...... चलो कोई नहीं लीला तो त्यार hi है िश मंदाकनी को चारा डालना पड़ेगा वैसे आज सही मौका है ुष का पति भी आ रहा है ......
सुचित्रा तो ठीक लाइन पे जा रही है िश रूबी ( सुचित्रा की बेटी ) से में बात करती हूँ बहोत दिन से आर्यन को वर्जिन लड़की नहीं मिली ऊपर से दिल्ली में दो आलरेडी बेचैन हैं तोपची से सील तुड़वाने के लिए ......
मीणा को उसके कैलकुलेशन करने देते हैं देखते हैं गयम में लीला के साथ क्या गुल खिला रहे हैं आर्यन भेषभ , उसकी साड़ी भाभियों की रात छूट पहाड़ के और एक की गांड भी इनको चैन न मिला क्या ??????
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