अपडेट NO.14
रत को मैं सो रहा था क मुझी प्यास लगी मैं पानी पेय उठा तो जग मैं पानी नहीं था मैं नीची किचन पानी लेनी गया मैं पानी लय क वापिस आ रहा था क मीरा बुआ क कमरे मैं सी कुछ आवाज़ें आ रही थी..
मैनी जा क देखा तो दरवाज़ा थोड़ा खुला था और बुआ बीएड पी बेथ क रू रही मुझी बोहत हैरानी होइ सब को हसने वाली अकेली मैं यौन रो रही ही..
मैं:- अदि यह क्यू रो रही हैं तुम्ही पता ही.?
अदि:- भाई उनको अभी आपकी बोहत ज़रूरत ही..
मैं:- मतलब.?
अदि:- भाई आप ुणस्य पॉच लो और हाँ मना मत करना उनको उनकी आखरी उम्मीद हो आप
मैं:- मुझी कुछ नए समझ आ रहा .?
अदि:- आप ुणस्य खुद पॉच लो
मैं दरवाज़ी पी जा क हल्का सा नॉक किया बुआ न्य मेटि तरफ देखा और आंखें साफ़ क्र ली
M'bua:- अरे सैम तू यहाँ इस टाइम कोई काम था क्या.?
मैं चल क उनकी पास गया और नीची बेथ गया वह बीएड पी बैठी थीं मैं उनकी सामन्य गुथनो क बल बैठा था
मैं:- क्या हुवा बुआ आप रू क्यू रही हैं सब ठीक है न.?
M'bua:- अरे मैं कहाँ रू रही हूँ मैं क्यू रू गई भला.?
मैं:- आपको मेरी कसम सच बताइये बुआ..
बुआ फिर सी रोने लगी और मेरी गली लग गई मैनी उनको थोड़ी देर रोने दिया फिर पोछा
मैं:- बुआ प्लीज रोइये नहीं आपको अगर कोई तकलीफ ही तो मुझी बताइये
M'bua:- मेरी ज़िन्दगी बर्बाद होगी सैम
मैं:- बुआ साफ साफ बोलिये क्या हुवा क्या किसी न्य कुछ कहा.?
M'bua:- सब केहत्य हैं मुझी...
मैं:- बुआ बोलिये क्या केहत्य हैं मैं सब क मुँह बंद क्र दूँ आप बोलिये कोण कहता ही.?
M'bua:- सब मुझु नपुंसक केहत्य हैं
फिर और ज़ोर सी रोनी लगी..
मैं:- बुआ यह आप क्या कह रही हैं आप तो बिलकुल ठीक लगती हो.?
M'bua:- लेकिन मेरा पति नहीं ठीक..
मैं:- आप पेहली रोना बंद कीजिये और पूरी बात बताइये..
बुआ न्य खुद को थोड़ा संभाला
M'bua:- मेरी शादी की पहली रत इ मेरी पति न्य मुझी बता दिया था क उसी लडकियोँ सी ज़्यादा लड़कों मैं इंट्रेस्ट ही और मुझी बता दिया क वह कुछ नहीं क्र सकता और मैं छहों तो किसी क साथ बी समभंद बना सकती हूँ लेकिन मेरी जम्मर न्य यह गवारा नहीं किया लेकिन लोगो न्य मुझी बांझ कहना शुरू क्र दिया
मेरी ऊपर यह बात किसी बम की तर्हां गिरी मुझी कुछ नहीं समझ आ रहा था मैनी पेहली बुआ को थोड़ा संभाला
M'bua:- लेकिन ाव मुझ सी दुनिया की करवाहट झेलनी की हिम्मत ख़तम होगी ही और फिर..
मैं:- फिर क्या बुआ बोलिये.?
M'bua:- मैं किसी बताओं.?
मैं:- आप बोलिये... प्लीज
M'bua:- फिर तुझी देखा तो तेरी तरफ अट्रेक्ट होनी लगी..
मैं एक दम बोखला गया मुझी अदि की बात यद् ी क वह क्या कहना छह रहा था...
मैं:- आप मेरी बुआ मैं किसी.?
M'bua:- मैनी खुद को यह बात बोहत समझे लेकिन मैं नहीं समझा पाई मेरी आखरी उम्मीद तू ही अगर तू नहीं तो मैं मर जाओं गई..
अदि:- भाई मैमी कहा न आप मन मत करना..
मैं:- लेकिन भाई वह मेरी बुआ हैं..
अदि:- भाई आपकी वजह सी अगर किसी को ख़ुशी मिली तो आपको कोई प्रॉब्लम नहीं होनी चाहिए और शायद आपकी किस्मत मैं यह इ ही आपको अभी असिसय बोहत सी खुशियां बॉटनी हैं
मैनी बी सोचा अगर मुझी दुनिया का मुँह बंद करना ही तो तो मुझी यह करना होगा
M'bua:- तो ज़्यादा मत सोच मैनी इतनी सुन ली हैं थोड़ी और सुन लोन गई
मैं:- मेरी होते होवय आप दुनिया की नज़रों मैं गिरो ऐसा मैं नहीं होनी दूँ गए
मीरा बुआ न्य मुझी कस क गली लगा लिया
M'bua:- सच! तो मुझी वह ख़ुशी दी गए जिस क लिए मैं तरसी हूँ.?
मैं:- मैं आपको दुनिया भर की खुशियां दूँ गए.. आप बीएस हस्ती होइ प्यारी लगती हैं..
M'bua:- मुझी कब प्यार क्रय गए.?
मैं:- ऐसी थोड़ी न कुछ स्पेशल सोचा है बीएस थोड़ा सा वेट
M'bua:- मुझ सी ज़्यादा इंतज़ार नहीं होगा अब..
मैं:- ज़्यादा वेट नहीं करवाएं ga...ab आप सो जाइये
मैनी बुआ को बीएड पी लिटा दिया क्र चादर उनकी उप्पेर डाली उनकी सर पी किश क्र क बाहिर आ गया..
मैं सीधा अपनी कमरे मैं गया और बीएड पी बेथ क सोचनी लगा
वही दोस्सरी तरफ गाणी और उसकी बेटे को जो लोग लय गए थय वह उनको लय क जा क एक जगह बैठती हैं कुछ देर मैं एक आदमी अत ही नीची
आदमी:- औ गाणी
गाणी:- अरे मला आ साहब अपनी ऐसी क्यू बुलाया हामी.?
मला:- अरे मुझु कुछ काम ही तुझसी इसलिए बुलाया..
गाणी:- हुकुम की जिए
मला:- अरे तुम्हारी ठाकुर खंडन सी क्या दुश्मनी ही.?
गाणी:- मैं उनकी दुलत तो लूटना चाहता हूँ.. लेकिन वह शकल उनके घर पी इ रह रहा ही.
मला:- अरे वह इसका मतलब हमारी खूब जमी गई मेरा सारा माल पकड़वा दिया उसकी दोस्त की बेटी न्य
गाणी:- किसनी.? मुझी कुछ नहीं समझ आ रही.?
मला:- यशवेन्डर सिंह की पोती न्य आयेशा न्य अपनी टीम क साथ मिल क लेकिन इस बार ऐसा जल बिचाओं गए दोनों खंडन को ख़तम क्र क्र दूँ गए
हाहाहाःहाहा
मैं ऐसी सोच रहा था क अलार्म बज गया सुबह का मैं फ्रेश होकय जोगिंग पी चला गया और वहां जा का
अदि:- भाई आपको आज हीलिंग पावर का ध्यान करना ही पूरा ध्यान करना ही
मैं ध्यान मैं बेथ गया मैं बोहत कोशिश की एक घंटी तक तरय करता बरी मुश्किल सी 1:30 घंटी में मैनी उसको को बी हासिल क्र लिया..
अदि:- वह भाई आप तो बोहत जल्दी सिख गए...
मैं:- लेकिन अदि इतनी जल्दी पावर गॉसिल करना कुछ अजीब नहीं ही.?
अदि:- भाई यह आपकी पावर्स आपकी अंदर हैं आपको दो चीज़ों की तलाश करनी ही बीएस
मैं:- कोनसी दो चीज़ें.?
अदि:- लॉकेट और तलवार..
मैं:- वह कहाँ मिल्ली गई.?
अदि:- भाई सही टाइम अन्य पी बताओं गए
मैं:- तो और तेरा सभी टाइम
फिर मैं घर गया वहां सी किचन मैं गया वहां C'Chachi इ थीं
मैं:- गुड मॉर्निंग सववेत चची
C'chachi:- गुड मॉर्निंग मेरी स्वीट भतीजी
मैं:- तो आज कॉफ़ी बनाना सीखी गई.?
C'Chachi:- हाँ कल बोहत ाचा लगा कॉफ़ी पि क
मैं:- अहन.? बीएस कॉफ़ी या फिर..
C'Chachi:- फिर.?? क्या.?
मैं:- कुछ नहीं मैं कह रहा था चाहा क टांग करनी सी ाचा लगा.?
C'Chachi:- बदमाश! वह तो अब टांग इ नए कृत्य..
मैं:- अरे वह क्यू इतनी से.. मेरा मतलब अछि बीवी को नहीं टांग कृत्य तो किस को तान कृत्य हैं.?
C'Chachi:- कहाँ अब तो बुड्ढे हो गए हैं..
मैं:- अरे मैं होता तो...
C'Chachi:- तो.???
तब तक मेरी कॉफ़ी बन गई थी मैनी तीन कप बनाये थय चची क लिए भी
मैं:- तो मैं बीएड सी इ उतरण्य इ नए देता
चची कुछ बोलती उस सी पेहली मैं कॉफ़ी लय भाग गया चची क चेहरे पी स्माइल आ गई
मैं सीधा तनीषा क कमरे मैं गया मैनी उसको होंठों पी किश किया
तनीषा:- गुड मॉर्निंग माय हुब्बी..
मैं:- गुड मॉर्निंग माय स्वीट विफई..
वह मेरी गॉड मैं बेथ गई
तनीषा:- आज अपनी लिए बी कॉफ़ी.?
मैं:- नहीं कोमल क लिए ही..
तनीषा:- ाचा जी मेडी सत्तन को देंय जा रही हो जाओ उस पेहली सब उठ जाये
मैं उसकी सर पी किश क्र क कोमल क कमरे की तरफ चला गया वहां उसकी साथ शिखा बी सोइ होइ थी मैं जा क उसको हल्का सा किश किया वह कुसमुसते होय उठ गई और मुझी देख क झट सी गली लग गई
कोमल:- मेरी लाइफ की साब सी अछि सुबह ही आज तो
मैं:- वह क्यू भला.?
कोमल:- आज आप उठानी ए हो मुझी..
मैं:- किसी नहीं अत मेरी जान की न्य कहा था तो आना था और यह लो कॉफ़ी
कोमल:- खुद बनाई.?
मैं:- हाँ..
कोमल:- मुझी उठा देती मैं बना देती..
मैं:- आपको अति ही.?
कोमल:- नहीं आप सीखा देती न...
मैं:- बिलकुल नहीं आपको सुबह की कॉफ़ी मेरी हाथों की पिणि पारी गई सुबह की तो..
कोमल:- आज तनीषा दीदी को नहीं देनी कॉफ़ी.?
मैं:- दी क आया हूँ आप हल्दी सी उठो मैं बी फ्रेश को की अत हूँ
कोमल:- हम्म
मैनी उसकी सर पी किश किया और चला गया नहंय मुझी जो आज करना था उसकी बारी मैं सोच रहा था मैं...
कुछ देर में मैं नीचे आज्ञा
मैं:- गुड मॉर्निंग एवरीवन..
सब:- गुड मॉर्निंग
दादा जी:- बीटा थोड़ी जल्दी उठा करो अब
C'Chachi:- सब सी पेहली उठता ही सुबह जोगिंग क्र आ क नाहा क नीची अत ही..
दादा जी:- अरे वह मुझी तो पता इ नए था सॉरी बीटा...
मैं:- अरे कोई बात नहीं दादा जी अब पता चल गया न..
अवनि:- तभी तो इतना खता ही
मैं:- ऐ छिपकली तुझसे मतलब
अवनि:- भूका बंदर
मैं:- पागल छिपकली...
पायल:- तुम दोनों कब सुधरो गए.?
मैं:- इसको बोलो न..
B'chachi:- बीएस क्र चुप चाप खाना खाओ..
मैं:- माँ आज हामी कहीं जाना ही
माँ:- किधर जाना ही.?
मैं:- सरप्राइज ही आप मैं और गुड़िया को जाना ही खाना खा क
शिखा:- किधर जाना ही भैया.?
मैं:- सरप्राइज ही..
माँ:- सब चले गए न.?
मैं:- सब को बाद मैं लय क जाओं गए..
दादा जी:- बहु चली जाओ न..
माँ:- जी बौ जी
फिर सब खाना कहानी लगी आज तीन चेहरों पी ख़ुशी थी अलग इ
मीरा बुआ, कोमल,, c'chachi
फिर खाना खा क कुछ देर सब क साथ बेथ गया
अंजलि:- बेतु मैं और पायल मॉल जा रही हैं थोड़ी देर मैं
मैं:- Ok दीदी..
अंजलि:- वह तनीषा बी जाना च रही थी क्या वह चली जाये.?
मैं:- मुझसी क्या पॉच रही हो जिसको जाना ही उस सी पोचो..
अंजलि:- तनीषा कह रही थी एक बार तुझी बता दूँ मैं..
मैनी तनीषा की तरफ देखा उसनी आंख मार दी
अंजलि:- और तुझी पता है जिस मॉल मैं बोटिके है न वह इनका इ ही
मैं:- यह तो अछि बात ही..
फिर सब इधर उधर मि बातें करनी लगी दीदी तनीषा कोमल पायल प्रिय मॉल जन्य क लिए रेडी होनी चले गए
मैं तनीषा क रूम की तरफ गया वह कपड़े डीडे क्र रही थी मैनी जा क एक शलवार कमीज निकली
मैं:- अछि लगी गई
वह लय क सीधा बाथरूम मैं चली गई बाहिर ी तो
मैनी उसको देखता रह गया
तनीषा:- क्या देख रही हो.?
मैं:- यू लुकिंग गॉर्जियस
उसनी सिमले क्र दी मैं इसी का वेट क्र रहा था मैं उसकी डिंपल को चुम्मा
मजन:- यह मुझी किसी दिन पागल क्र दी गए
तनीषा:- आपको इ पसंद है यह
मैं:- बोहत क्यूट लग रही ho...Acha मैं आज नाना क घर जा रहा हूँ माँ को लय क
तनीषा:- क्या वह मान जाये गए.?
मैं:- कोशिश करनी पारी गई..
तनीषा सी मिल क मैं कोमल क कमरे टी तरफ गया वह शिष्य क सामन्य बैठी थी
मैं पिच्य सी उसकी गली लग क्या और गाल पी किश क्र दिया
मैं:- कतल करनी का इरादा ही क्या.?
कोमल:- वह क्यू भला.?
मैं:- इतनी सुन्दर लगो गई तो सब गिर पर जाये गए..
कोमल:- सब को थोड़ी आपको ाचा लग्न चाहिए..
मैं:- ी लव यू
कोमल:- ी लव यू तू!
मैं कोमल को छोरा और बीएड पी बेथ गया वह त्यार होनी लगी उतनी देर मैं एक आफत अंदर ी हमारी दोनों क बिच
M'bua:- अरे वह आज तो साईयाँ क सामन्य त्यार हुवा जा रहा ही
मैं खरा होगया और
मैं:- Na..Nahi बुआ वह बीएस मैं ऐसी इ बूर हो रहा था तो सोचा..
M'bua:- क्या सोचा.? क चलो अपनी होनी वाली बीवी को इ देख लोन.?
मैं:- नहीं हम कॉलेज की बात क्र रही थय
कोमल:- हाँ मस्सी हम कॉलेज की इ बात क्र रही थय...
M'bua:- ज़्यादा बन मत और हाँ मॉल जा रही है न तो कुछ सामान लाना ही लय क आना तुम लोग लगी रहो यह लय लिस्ट और मैं चलती हूँ..
बुआ चली गई..
मैं:- कितनी डेंजरस औरत ही यह
कोमल बीएस मुस्कुरा दी
मैं:- अरे हाँ वह गारी मिल्ली गई क्या मुझी माँ और गुड़िया को लय क जाना ही??
कोमल:- पोचनय की क्या बात ही वह रही चाबी आपकी और मेरी चीज़ें दो थोड़ी हैं..
मैं;- यू कॉंव व्हाट.?
कोमल:- व्हाट.?
मैं:- ी लव यू!
कोमल:- ी लव यू तू! (ुम्हह)
मैं:- और हाँ यह कार्ड रख लो आपका ही
कोमल:- केसा कार्ड.?
मैं:- क्रेडिट कार्ड ही No लिमिट
कोमल:- मुझी नहीं चाहिए अभी...
मैं:- ऐसी किसी नहीं चाहिए S♡K कंपनी की मालकिन का रूब होना चाहिए आज अपनी मॉल जा रही हो थोड़ा रूब सी रहना पता चलना चाहिए सैम ठाकुर की बीवी आ रही ही..
कोमल:- आप बी न..
मैं उसको कार्ड दी क और सर पी किश क्र बाहिर आ गया...
कुछ देर मैं वह चली गई मैं बी रेडी होगया मैं गुड़िया और माँ निकल गए
माँ:- किधर लय क जा रहा ही.?
मैं;- बीएस करीब मैं इ
मैनी गारी तो नाना जी की हवेली की तरफ भरा दी जैसी जैसी हम करीब आ रही थय माँ हैरानी सी मुझी देख रही थी
माँ:- बीटा वह हामी नहीं एक्सेप्ट क्रय गए मुझी पता ही मेरी पापा का
मैं:- आप बीएस मेरी साथ चलिए..
हम न्य गारी हवेली क सामन्य रोकी सब गारी की आवाज़ सुन क बहिरर आ गई लेकिन नाना जी नहीं ए
मैं गारी सी उतरा एक औरत न्य पोछा..
औरत:- जी कहिये किस सी मिलना ही.?
मैं:- मुझी शमिल्ला देवी और एश्वन्ड जी सी मिलना ही.?
औरत2:- मैं हूँ शमिल्ला
मैं:- आपको किसी सी मिलवाना ही..
मैं गारी की तरफ गया मैं माँ का हाथ पाकर क बाहिर निकला नानी जी और ममियां माँ को देख क हैरान हो गई माँ भाग क नानी क गली लग गई
माँ:- मुझी माफ़ करदो माँ
नानी:- तो आगे मेरी बेटी मैं कब सी तेरी रह देख रही हूँ
अंदर सी एक आदमी आया..
Admi:-Kon ही.?
जैसी इ उनकी नज़र माँ पी गई
आदमी:- अब क्या लेनी ी ही तो मर्डर गई हमरे लियर चली जा
अंदर सी रूचि दीदी और मस्सी बी शोर सुन क बाहिर आ गई
मस्सी:- दीदी आप आइये..
नाना जी:- नहीं यह मर गई ही हमारी लिए चली जा
मैं जा क नाना जी क पेअर कौए वह पीछे हो गए
मैं:- मैं आपका नवासा हूँ... क्या आप आज बी अपनी बेटी क फैसली पी नाराज़ हैं अरे बोहत किस्मत वाली होती हैं वह लोग जिन क दामाद उनकी बेटी सी खुद सी बार क प्यार कृत्य हैं आज आप खुद देखिये क्या माँ खुश नहीं हैं अगर वह आपकी साथ आ जाती तो ज़िन्दगी भर का कलंक उनकी दमन पी लग जाता वह शायद ज़िंदा न रह पति दुनिया की बेटी सुन क आपकी बेटी क पास दुनिया भर की खुशियां हैं बीएस माँ बाप क प्यार क आपको को तो खुश होना चाहिए था क आपकी बेटी को इतना प्यार करनी वाला पति मिला ही अगर नानी जी आपको चोर जाना चाहती तो क्या आप जन्य देती नहीं न.?
नानी जी:- बीएस बोहत होगया आपकी फैसली पी मैं अपनी बेटी और नवासी सी बोहत दूर रह ली अब और नहीं
नाना जी चल क माँ क पास गए और उनको गली लगा लिया
नाना जी:- मुझी माफ़ क्र दी बेटी तेरा बाप अँधा होगया था इज़्ज़त की लालच मैं टुन्नाय बिलकुल सही फैसला लिया टुन्नी ऐसी बेटी को जनम दिया ही जो सब को साथ लय क चले गए
माँ:- पिता जी
दोनों एक दोस्सरी क गली लगी रही
शिखा:- अरे मैं बी ी हूँ साथ
माँ:- यह आपकी पोट्टी
B'mami:- अरे आप तो सब सी खास मेहमान हो
नाना जी:- औ अंदर
फिर माँ न्य सब सी हमारा इंट्रो करवाया
Nisha:-To जंब आप क्या क्र रही हैं आज कल.?
मैं:- बीएस अभी लूटा हूँ अमेरिका सी अभी कॉलेज जाओं गए और क्या.?
अलीशा:- क्या आप अमेरिका मैं रेहटी थय.?
मैं:- हाँ 15 साल बाद घर वापिस आया हूँ
नाना जी:- यह क्या कह रही हो.?
Maa:-Yeh सच कह रहा hy(phir माँ न्य साडी बात बता दी)
मैं:- वैसी आप साब बताइये क्या क्र रही हैं
मैनी नोटिस किया आयेशा मुझी अजीब सी नज़रों सी देख रही ही
निशा:- मैनी तो जॉब क लिए अप्लाई किया ही अभी
अलीना:- मैं स्कूल क पेपर्स दी रही हूँ..
लैला:- मैं कॉलेज मैं हूँ और डांस टीम की कप्तान हूँ
मैं:- अरे बाप रय... वैसी दीदी किधर अप्लाई किया ही जॉब क लिए
निशा:- S♡K कंपनी जो नए लांच हो रही ही कल
Maa

ariya न्य बी उधर इ अप्लाई किया इसकी पापा क उनकी साथ काम करना चचतय हैं क्या इतनी बरी कमपनी है.?
निशा:- जी बुआ मुलती नेशनल कमपनी हर कंट्री मैं इनकी ब्राँच है
नाना जी:- कल क लिए उनका न्योता बी तो आया ही न..
मैं:- हम सब बी जा रही हैं सैप बी चलिए
किचन सी एक 25:26 साल की लड़की ी
मैं:- यह कोण हैं माँ.?
Maa:-Mujhy बी नए पता..
नाना जी:- यह हमारी बहू ही ललन की बीवी
मैं:- नमस्ते बहभी मैं आपका देवर..
शिवानी:- नमस्ते जी आप तो बारी संस्कारी हैं देवर जी
मैं:- बीएस अपनी कल्चर प्यार इ बोहत ही
शिखा:- नमस्ते मैं apki...bhiya मैं क्या होइ इनकी.?
सब गुड़िया की मस्सोमियत पी हस्स दिए
शिवानी:- आप हो एक स्वीट गुड़िया..
शिखा:- हाँ भैया बी यह इ बुलाती हैं..
शिवानी:- आप हो इ इतनी प्यारी..
Main:-Wesh अपनी नहीं बताया आप क्या करती hain.?(Ayesha की तरफ देख क)
आयेशा:- मैं स्पेशल फाॅर्स टीम में हूँ
मैं:- अरे आप तो खतरनाक हैं..
आयेशा:- जी बिलकुल नहीं हामी तो आप सी बच क रहना होगा आपकी आंखें इ कातिलाना हैं..
मैं:- जी.??
आयेशा:- कुछ नहीं
निशा:- वैसी अमेरिका मैं क्या क्या किया यह तो बताइये
Main:-Ruchi दीदी सी पॉच लो
निशा:- अरे हाँ रूचि तो सैम क बारी मैं बताया था मैं तो भूल इ गई..
फिर दोनों मां घर ए फिर थोड़ा इमोशनल ड्रामा होवा
मैं:- बाथरूम किधर ही.?
C'mami:-Ao मैं दिखती हूँ..
मैं ुक्य साथ चल रहा था क अचानक मेरी नज़र एक तस्सवर पी गई मेरी कदम वहीँ रुक गयी मुझी यकीन नहीं हो रहा था अपनी अकनहूँ पी......
तो बे कंटिन्यू
नोट:-
सॉरी फॉर लेट अपडेट थोड़ा सा बिजी था भाइयोँ
कीप सुप्पुरिटिंग
कीप रीडिंग