Mix sex story (Tv Serial TMKOC Bollywood actress) - Page 17 - SexBaba
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Mix sex story (Tv Serial TMKOC Bollywood actress)

अपडेट 155 🍌

अरिष्फ की बात सुनकर मेरे अंदर पता नहीं खा से इतना जोश आता है और में अपनी ऊँगली को करीब 1 इंच उसकी गांड के चीड़ में घुसा देता हु जिसकी वजह से वो एक दम से कूद जाती है मतलब ऊपर को होती है और जब वापस से निचे को होती है तो मेरी आधी ऊँगली उसकी गांड में चली जाती है जिसकी वजह से अरिष्फ के मुँह से एक हलकी दर्द भरी अह्ह्ह्हह्हह बाबूउ की आवाज़ निकलने लगती जिसको सुनकर में अपनी ऊँगली को बिना हिलाया ऐसे hi काढ़ा रहता हु बूत उसकी गर्दन पर किश करने लगता हु जिसकी वजह से वो कुछ टाइम बाद hi हलकी हलकी अह्ह्ह्हह्हह अह्ह्ह्हह्हह की आवाजे निकलने लगती है जिसको सुनकर मेरे फेस पर एक कामिनी मुस्कान आजाती है और में अपनी ऊँगली को धीरे धीरे उसकी गांड के छेद में अंदर बहार करने लगता हु

जिसकी वजह से अरिष्फ कभी ऊपर को होती है कभी निचे को होती है जिसको देख कर मुझे वो बहुत hi प्यारी लगती है जिसको देख कर में उससे बोलता हु.

में- बेबी में कबसे इस दिन का वेट कर रहा था.

मेरी बात सुनकर अरिष्फ अपनी गर्दन उठा कर मेरी आखो में देखती है और फिर बहुत प्यार से मुझसे बोलती है.

अरिष्फ- अह्ह्ह्हह्हह यूवीए बाबू ये सही जगह नहीं है ये सब करने की यह टप्पू और उसके फ्रेंड कभी भी आ जाते है गेम खेलने.

अरिष्फ की बात मुझे सही लगती है इसलिए में उसकी गांड के चीड़ में से अपनी ऊँगली निकल लेता हु और उसको अपनी गोड़ में से निचे उठा देता हु और उससे बोलता हु.

में- बाबू मुझे एक बार तुम्हारी छूट देखनी है प्लीज मना मर करना.

मेरी बात सुनकर अरिष्फ मुझसे बोलती है.

अरिष्फ- ठीक है बूत कुछ करना मत वर्ण आगे हाथ भी नहीं लगाने दूंगी.

अरिष्फ की बात सुनकर में कामिमि मुस्कान के साथ उससे बोलता हु.

में- ठीक है बेबी कुछ नहीं करुगा बीएस एक हलकी सी किश करुगा.

ये बोलकर में अरिष्फ को उसके शोल्डर से पकड़ कर घुमा देता हु और फिर उसको निचे झुका कर उसकी सलवाद की लास्टिक पकड़ कर निचे कर देता हु जिसकी वजह से उसकी छूट और गांड एक



दम से मेरे सामने आजाती है और जब में उसकी छूट और गांड को ध्यान से देखता हु तो मुझे पता चलता है दोनों आपस में चिपके हुआ है जिसको देख कर में अपने मैं में सोचता हु.

में- अपने मैं में ( यार युवी इसकी छूट के लिप्स तो बिलकुल मिले हुआ है इसको छोड़ने में तो बहुत म्हणत करनी पड़ेगी इसको तो छूट पर लैंड लगते hi दर्द होगा )

ये बोलकर में अरिष्फ की छूट पर एक हलकी सी किश करता हु और फिर वापस से उसकी सलवार ऊपर कर देता हु जिसको देख कर अरिष्फ सीधी कढ़ी हो जाती है और मुझसे बोलती है.

अरिष्फ- बाबू अब में चलती हु अगर हमे यह किसी ने देख लिया तो शक्क करेगा..

ये बोलकर अरिष्फ मेरे लिप्स पर एक हलकी सी किश करके कलुभाऊसे से चली जाती है और तभी मेरे मोबाइल पर एक नोटिफिकेशन आता है जिसमे जेठा अंकल ने अंजलि आंटी को मैसेज किया होता है जिसमे लिखा होता है.

जेठालाल- कैसे हो अंजलि भाभी आज कल तो हमारी बिलकुल भी याद नहीं आरही है

ये मश्ग पढ़ कर में अंजलि आंटी के रिप्लाई का वेट करने लगता हु बूत वो मैसेज पढ़ कर सीन करके छोड़ देती है जिसको देख कर मेरे फेस पर मुस्कान आजाती है और फिर में सोचता हु इस जेठालाल से कैसे बदला लिया जाये उसके लिए पहले मुझे तारक को उससे अलग करना पड़ेगा.

ये सोच कर मेरे फेस पर कामिनी मुस्कान आजाती है क्युकी तारक को जेठालाल के खिलाफ करके का आईडिया है मेरे पास इसलिए में तारक अंकल को कॉल करता हु जिसको वो फ़ौरन पिक करके लेते है और मुझसे बोलते है.

तारक- है युवी.

में- मुझे आपसे कुछ इम्पोर्टेन्ट बात करनी है तो अकेले कलुभाऊसे में आजाओ जेठा अंकल को साथ मैट लाना.

तारक- ठीक है

ये बोलकर वो कॉल कट कर देते और में उसका वेट करने लगता हु और करीब 5 मिंट बाद तारक अंकल कलुभाऊसे में आते है और मेरे पास चेयर पर बैठ जाते है और मुझसे बोलते है.

तारक- तो बताओ युवी तुम्हे मुझसे क्या इम्पोर्टेन्ट बात करनी है.

तारक अंकल की बात सुनकर में मुस्कुराते हुआ उससे बोलता हु.

में- तारक अंकल मुझे आपसे जेठा अंकल के बारे में कुछ बात करनी है.

मेरी बात सुनकर तारक अंकल सीरियस होकर बैठ जाते है और फिर मेरी तारक देखने लगते है जिसको देख कर में समझ जाता हु वो मुझे बोलने के लिए बोल रहे है इसलिए में उनसे बोलता हु.

में- तारक अंकल तुमको जेठा अंकल कैसे लगते है.

मेरी बात सुनकर तारक अंकल थोड़ा कन्फ्यूज्ड होते हुआ मुझसे बोलती है

तारक- मतलब बोलना क्या कहते हो तुम.

में- मेहता अंकल मुझे पता है तुम और जेठा अंकल मेरी फॅमिली के बारे में कितना गन्दा सोचते हो.

मेरी बात सुनकर तारक अंकल की गांड फट जाती है जो उनके फेस पर शो हो रही होती है बूत फिर वो खुद को सँभालते हुआ मुझसे बोलती है.

तारक- युवी ऐसा बिलकुल नहीं है.

तारक की बात सुनकर में थोड़ा सीरियस होते हुआ उनसे बोलता हु.

में- देखो तारक अंकल आपको भी पता है सच क्या है और मुझे भी पता है. आप खुद सोचो मेने उनकी इतनी हेल्प करि जब वो मेरी फॅमिली के बारे में ऐसा सोचते है तो आपको नहीं लगता वो अंजलि आंटी को छोड़ने का सोचते होंगे और क्या पता छोड़ भी दिया हो.

मेरी बात सुनकर तारक अंकल सोच में पद जाते है जिसको देख कर मेरे फेस पर कामिनी मुस्कान आजाती है और फिर एक दम से तारक अंकल छीलते हुआ बोलते है.

तारक- नहीं युवी ऐसा नहीं हो सकता जेठालाल ऐसा नहीं कर सकता.

तारक अंकल की बात सुनकर में कामिमि मुस्कान के साथ उनसे बोलता हु.

में- देखो आपको भी पता है जेठा अंकल क्या क्या कर सकते है और मुझसे अच्छे से पता होगा आपको की जेठा अंकल कितने बड़े कमीने है

मेरी बात सुनकर तारक अंकल कुछ सोचते हुआ मुझसे बोलते है

तारक- है युवी जेठालाल है तो कमीना.

तारक अंकल की बात सुनकर में अपने मैं में सोचता हु एहि सही मौका है अपनी चल चलने के लिए ये सोच कर में तारक अंकल से बोलता हु.

में- अंकल आपको अपने एक बात नोटिस करि की अंजलि आंटी अब जेठा अंकल से बात नहीं करती है.

मेरी बात सुनकर तारक अंकल कुछ सोचने लगते है और फिर मुझसे बोलती है.

तारक- है युवी तुम सही बोल रहे हो मेने बहुत बार देखा है जब भी जेठालाल घर आता है या तो अंजलि किचन में चली जाती है या बैडरूम में बूत इसका रीज़न क्या है.

में- क्युकी जेठा अंकल अंजलि आंटी से गन्दी गन्दी बाते करते थे और उनको छोड़ने को बोलते थे यह तक की और जब उन्होंने उसका विरोध किया तो जेठा अंकल ने अंजलि आंटी से ये बोलता था की रंडी अबतो तुझे मुझसे छोड़ना होगा क्युकी मेहता साहब को तो मेने बहार की छूट की आदत लगाडी है इसलिए वो अब तुमको नहीं छोड़ेगा.

मेरी बात सुनकर तारक अंकल मुझसे बोलते है

तारक- बूत ये सब तुमको कैसे पता.

में- एक दिन में आपके घर पर गया था किसी काम से तो वह अंजलि आंटी बैठ कर रो रही होती है मेरे बहुत पूछने पर उन्होंने मुझे सब कुछ बताया

तारक- युवी में घर जाकर अभी करता हु अंजलि से इस बारे में बात.

तारक अंकल की बात सुनकर में अपने मैं में सोचता हु अगर अभी इन्होने अंजलि आंटी से बात करि तो हेरा भन्दा फुट जायेगा अभी मुझे कुछ करना पड़ेगा इसलिए में उनसे बोलता हु.

में- ठीक है पूछ लेना बूत अभी नहीं रात में आराम से बैडरूम में पूछना.

ये बोलते टाइम मेरे मंद में एक आईडिया आता है और में उनसे बोलता हु.

में- वैसे तारक अंकल आपको बबिता कैसे लगती है.

बबिता का नाम सुनकर तारक अंकल के लैंड में हलचल होती है जिसको देख कर मेरे फेस पर कामिनी मुस्कान आजाती है और में उनसे बोलता हु.

में- मतलब सेक्सी लगती है देखो तारक अंकल में बबिता को छोड़ना कहता हु और एक दिन छोड़ कर रहुगा और अगर आप मेरी हेल्प करोगे तो दोनों मिलकर बबिता को छोड़ेगे.

मेरी बात सुनकर तारक अंकल कुछ सोचने लगते है और फिर मुझसे बोलते है

तारक- युवी मुझे तुम्हारे बात पर पूरा बिलीव हो गया है और में तुम्हारा पूरा साथ दूंगा बबिता को छोड़ने में

.

तारक की बात सुनकर मेरे फेस पर मुस्कान आजाती है और फिर हम दोनों कलुभाऊसे से निकल जाते है और तारक अपने घर की तरफ और में अपने घर की तरफ चल देता हु और जैसे hi सीढ़ियों पर चढ़ता हु मुझे वह अन्वेषी आंटी



दिखती है जिन्होंने ने येलो कलर की साड़ी पेहेन राखी होती है जिसमे से उनके मोती मोती चूचिया बहुत बड़ी दिख रही होती है और साथ में उनकी दोनों चूचिया उनके ब्लाउज में से 30 परसेंट दिख रही होती है जिसको देख कर में अन्वेषी आंटी से बोलता हु.

में- गुड मॉर्निंग अवनि आंटी खा जा रही इतनी सेक्सी बनकर.

मेरी बात सुनकर ावनेशी आंटी मुझसे बोलती है.

ावनेशी- युवी में अब्दुल भाई की दूकान पर कुछ सामान लेने जा रही हु.

ावनेशी आंटी की बात सुनकर में मुस्कुराते हुए उनसे बोलता हु.

में- अगर ऐसे अब्दुल भाई की दूकान पर जाओगी तो अब्दुल वही हिलने लगेगा.

ये बात में ावनेशी आंटी की चूचियों को देखते हुआ बोलता हु जिसको देख कर वो सिर्फ मुझे एक स्माइल देती है जिसको देख कर में उनसे बोलता हु.

में- वैसे अपने रात रिप्लाई क्यू नहीं किया मेने आपका कितना वेट किया रिप्लाई करने का

मेरी बात सुनकर ावनेशी आंटी नॉटी अंदाज़ में मुझसे बोलती है.

ावनेशी- तुम एक काम करो तुम अब्दुल की दूकान पर से ब्रेड 🍞 ले आओ और मेरे घर आजाना में वह तुमको बताती हु
 
उपडेट 156 🔞

ये बात में ावनेशी आंटी की चूचियों को देखते हुआ बोलता हु जिसको देख कर वो सिर्फ मुझे एक स्माइल देती है जिसको देख कर में उनसे बोलता हु.

में- वैसे अपने रात रिप्लाई क्यू नहीं किया मेने आपका कितना वेट किया रिप्लाई करने का

मेरी बात सुनकर ावनेशी आंटी नॉटी अंदाज़ में मुझसे बोलती है.

ावनेशी- तुम एक काम करो तुम अब्दुल की दूकान पर से ब्रेड 🍞 ले आओ और मेरे घर आजाना में वह तुमको बताती हु मेने क्यों तुम्हारा रिप्लाई नहीं किया

ये बोलकर अवनि आंटी मेरे हाथ में पैसे दे देती है और अपनी गांड मटकते हुई वापस अपने घर की तरफ चली जाती है और में अब्दुल भाई की दूकान की तरफ चल देता हु और साथ में अपना मोबाइल निकल कर अंजलि आंटी को मैसेज करता हु जिसमे में लिखता हु.

में- ( अंजलि आंटी को मैसेज में ) अंजलि डार्लिंग मेने आज तारक अंकल और जेठालाल की दोस्ती में दरार दलदी है और मेने तारक अंकल से बोलै है की जेठालाल तुमसे गन्दी हरकत करता था और तुमको गंदी नज़र से देखता था और साथ में तुमको छोड़ना कहता था और मेरी इस बात कर तारक को बिलीव हो गया है बीएस तुमको इतना करना है की जब भी जेठालाल तुम्हारे सामने आये तो तुमको वह से चले जाना है और अगर तारक पूछे तो संभल लेना और है मेने ये तारक को ये नहीं बताया है की तुमने उसके साथ सेक्स किया है बाकि तुम खुद समझदार हो

में अंजलि आंटी को ये मैसेज करके सीधा अब्दुल की दूकान



पर पहुंच जाता हु और उनसे बोलता हु.

में- और अब्दुल भाई कैसे हो.

अब्दुल- बढ़िया हु युवी तुम बताओ

में- बीएस हम भी बढ़िया है अब्दुल भाई वो एक ब्रेड देना.

मेरी बात सुनकर अब्दुल मुझे एक ब्रेड दे देता है और में उनको पैसे देकर जैसे hi जाने को होता हु तो अब्दुल भाई मुझसे बोलते है.

अब्दुल भाई- वैसे युवी तू इस टाइम किसके लिए ब्रेड लेकर जा रहा है.

अब्दुल भाई की बात सुनकर में मुस्कुराते हुआ उनसे बोलता हु

में- अवनि आंटी के लिये.

मेरी बात सुनकर अब्दुल भाई मुस्कुराते हुआ मुझसे बोलते है.

अब्दुल भाई- ए हाय किसका नाम ले दिया युवी भाई कितनी सेक्सी माल है यार वो िएर भाई के नसीब का तो ठिकाना नहीं पहले बबिता जी जैसी सेक्सीय माल को छोड़ते थे और अब अवनि जैसी हसीना को छोड़ते है

अब्दुल भाई की बात सुनकर में कामिनी मुस्कान के साथ उनसे बोलता हु.

में- है अब्दुल भाई ये तो है दोनों की दोनों एक से बढ़कर एक माल है

में जैसे hi ये बात बोलता हु वैसे Hi हमे बबिता आंटी सोसाइटी के बहार से आती हुई दिखती है उन्होंने उस टाइम एक रेड कलर



की ड्रेस पेहेन राखी होती है जिसमे उनकी गांड और दोनों मोती मोती चूचिया बहुत hi ज्यादा बड़ी लग रही होती है जिसको देख कर अब्दुल भाई मुझसे बोलते है.

अब्दुल भाई- लगता है जेठा भाई बबिता जी को दबाकर छोड़ रहे है देख कैसे गांड और चूचिया दिन बा दिन कैसे बड़ी होती जा रही है.

ये बोलकर अब्दुल भाई बबिता आंटी की दोनों चूचिया और गांड को देखने लगते है और उनकी बात सुनकर में भी बबिता आंटी की गांड और चूचियों को देखते हुआ मैं में सोचता हु.

में- ( अपने मैं में ) अभी तो मुझे इनको छोड़ना है

ये सोच कर में बबिता के पास आने का वेट करने लगते हु और जैसे hi वो मेरे पास आती है में उनसे बोलता हु.

में- बबिता आंटी आज पैदल आपकी कार कहा गयी

मेरी बात सुनकर बबिता आंटी मुस्कुराते हुआ मुझसे बोलती है.

बबिता आंटी- वो दरअसल जेठा जी को कुछ अर्जेंट काम आज्ञा था इसलिए वो उसको लेकर आउट ऑफ़ टाउन चले गए है.

ये बात बबिता आंटी चलते चलते बोलती है जिसको देख कर में भी उनके साथ चलने लगता हु और जब हम दोनों अब्दुल की दूकान से थोड़ी दूर आजाते है तो में बबिता आंटी से बोलता हु.

में- वाओ फिर अच्छा मौका है आपको फिर से छोड़ने का उस दिन आपको छोड़ने में उतना मजा नहीं आया था.

मेरी बात सुनकर बबिता शॉकेड



हो जाती है और मुझसे बोलती है

बबिता आंटी- युवी तुम मुझसे ऐसे बात नहीं कर सकते में अब मैरिड हु.

बबिता आंटी की बात सुनकर में हस्ते हुआ उनसे बोलता हु.

में- बबिता डार्लिंग मैरिड तो तुम जब भी थी जब जेठा अंकल की वाइफ बनकर उनसे चुद रही थी तो अब मुझसे चुद लोगी तो क्या हो जायेगा या फिर दिखानी पड़ेगी तुम्हारी वो वीडियो सबको और अगर चम्पक चाचा को ये पता चल गया की तुम और जेठा अंकल पहले चुदाई करते थे और ये सब शादी वगेरा तुम दोनों का प्लान है तो तुम सोच सकती है तुम्हारे और जेठालाल के साथ क्या होगा.

इस बार मेरी बात सुनकर बबिता के होश उड़द जाते है और वो कुछ सोचने लगती है और फिर मुझसे बोलती है.

बबिता- ठीक है युवी में तुमसे लास्ट बार छोडूगी कल.

बबिता आंटी की बात सुनकर मेरी खुसी का कोई ठिकाना नहीं रहता और में खुस होते हुआ उनसे बोलता हु.

में- ठीक है बबिता आंटी बूत तुम खुसी खुसी मुझसे चुड़ोगी और जैसे जेठा अंकल से चुदती हो वैसे चुड़ोगीइ

मेरी बात सुनकर बबिता आंटी फ़ौरन मुझे Okay बोल देती है और फिर जल्दी से अपने घर की तरफ चल देती है जिसको देख कर में भी मुस्कुराते हुए अवनि आंटी के घर की तरफ चला जाता हु और जैसे hi उनके फ्लैट पर जाकर दूर बेल्ल बजता हु तो मेरे मोबाइल पर अवनि आंटी का मैसेज आता है जिसमे लिखा हुआ था.

अवनि आंटी- ( मैसेज में ) दूर ओपन है दूर लॉक करके सीधा बैडरूम में आजाना.

ये मैसेज पढ़ कर में जल्दी से उनके घर के अंदर घुसता हु और फिर गेट को अच्छे से लॉक करके ब्रेड को दिंनिंग टेबल पर रख कर सीधा उनके बैडरूम में जाता हु तो अंदर का सीन देख कर मेरे होश उड़द जाते है क्युकी अंदर बीएड पर अवनि आंटी बिलकुल नंगी



baithi hoti hai or unki dono moti Moti chuchiya Hawa mein jhul Rahi hoti hai jisko dekh kar mera land ek hi Jhatke me Kadha Ho jata hai or Mein usko Masalte hua Avni Aunty se bolta hu.

Mein- hayeee meri jaan tu to phle se hi apni chudai ki planning karke Baithi hai.

Meri Baat sunkar Avni Aunty kamini muskaan ke sath Mujhse bolti hai.

Avni Aunty- kamine jabse tune Raat apna land mujhe dikhaya hai tabse meri ye Chut lagataar pani chhod rhi hai

Ye bolkar Avni Aunty mujhe apni beech wali ungli se apni taraf Aane ka ishara karti hai jisko dekh kar mein jaldi se apni T-shirt nikal kar wahi fek deta hu or uske baad apna lower nikal kar underwear mein Avni Aunty ke samne kadha ho jata hu jisko Mera land faad kar bahar Aane ko machal rha hota hai jisko dekh kar Avmi Aunty Muskurate hua mujhse bolti hai

Avni Aunty- Is nanhi ( नन्ही ) Si jaan ko tune itne tight underwear me kyu ked ( कैद) kar Rakha hai tune

Ye bolkar wo Apne ghutno par chal kar mere pass Aati hai kyuki mein is time bed ke niche kadha hota hu or mere pass Aane ke baad wo mere underwear ko niche karti hai waise hi mera land unki Aakho ke samne Aajata hai jisko dekh kar wo apne ek hath



से मेरे लैंड को पकड़ लेती है और मुझसे बोलती है.

अवनि आंटी- अरे बहन छोड़ ये तो उस दिन से भी बड़ा लग रहा है क्या खिलता है तू इसको.

अवनि आंटी की बात सुनकर में कामिमि मुस्कान अपने फेस पर लेट हुआ उनसे बोलता हु.

में- अवनि डार्लिंग ये तुम जैसो की छूट खता है.

ये बोलकर में अपने दोनों हाथो से उनका सर पकड़ कर अपने लैंड की तरफ करने लगता हु जिसको देख कर वो समझ जाती है की में क्या कहता हु इसलिए वो बिना किसी आपत्ति के अपना फेस मेरे लैंड की तरफ लेकर आती है और फिर अपनी जीभ निकल कर मेरे लैंड को



aise chaatti ( चाटती) hai jaise chota bacca Ice cream ko chatte hai

Or idher jaise hi avni Aunty ki garam jeebh mujhe mere land par uper niche chalti hui feel hoti hai to mere muh se ek halaki siskiyo ke sath nikalta hai.

Mein- ahhhhhhh Avni Aunty Mein kabse is din ka wait kar rha tha jab mera ye mota land apni chut or muh mein jayegaaa

Ye bolkar mein unke Baalo me apna hath ferne lagta hu or wahi avni Aunty meri baat sunkar apna face uper uthati hai or meri Aakho me dekhte hua mujhse bolti hai.

Avni Aunty- Yuvi mein khud isko us din se lena cahti thi jab Mene isko first time touch kiya tha but mein sochti thi tum apni taraf se pehel karoge But tum to fattu nikle but Raat jab mene tumhara land dekha to mujhse control nhi hua or mein tumse chudne ka plan banane lagi.

Ye bolkar Avni Aunty Apna muh khol kar ek baar mein hi mera Aadha



लैंड अपने मुँह में ले लेती है और इधर जैसे hi मुझे अपना लैंड अपनी आंटी के मुँह में महसूस होता है तो मेरे मुँह से एक हलकी अह्ह्ह्हह्हह की आवाज निकलती है और में अपने हाथ को अवनि आंटी के बालो में फेरने लगता हु और उनसे बोलता हु.

में- अह्ह्ह्हह्हह अवनि आंटी लैंड चूसने में तो काफी एक्सपीरियंस लग रहा है तुमको.

मेरी बात सुनकर अवनि आंटी फ़ौरन मेरे लैंड को अपने मुँह से निकलती है और मुझसे बोलती है.

अवनि- है युवी तुमको तो पता है मॉडलिंग में छोटे मोठे रोल्स के लिए छोड़ना पड़ता है तो उसकी की वजह से एक्सपीरियंस हो गया और बाकि कसार िएर के छोटे लैंड को चूस चूस कर काढ़ा करने की वजह से पूरी हो गयी है..

ये बोलकर वो वापस से मेरा लैंड अपने मुँह में ले लेती है और किसी परफेशनल रंडी के जैसे मेरे लैंड को चूसने लगती है जिसको देख कर मुझसे कण्ट्रोल नहीं होता और में अपने दोनों हाथो से अवनि आंटी के सर को मजबूती से पकड़ कर उनके मुँह को



छोड़ने लगता हु और मेरे छोड़ने की वजह से मुझे अपना लैंड उनके गले में अंदर बहार होता हुआ अलग hi दीखता है और ये देखते टाइम जब मेरी नज़र अवनि आंटी के फेस पर पड़ती है तो वो बिलकुल रेड हो गया था और उनकी आखो में से आशु भी निकल रहे होते है जिसको देख कर में अपने लैंड को उनके मुँह से निकल लेता हु और जैसे hi मेरा लैंड उनके मुँह से बहार आता है वैसे hi वो खस्ने लगती है और उनके मुँह से उनका थूक निचे बीएड पर गिरने लगता है जिसको देख कर एक बार को तो मेरे मंद में आता है कही मेने जल्दबाज़ी तो नहीं करदी अभी में ये सोच hi रहा था की इतने में अवनि आंटी मुझसे बोलती है

अवनि आंटी- कमीने मुझे मरने का इरादा है क्या.

इधर में अवनि आंटी की बात सुनकर मुस्कुराते हुआ उनसे बोलता हु.

में- तुमको नहीं मेरी जान तुम्हारी मरने का इरादा है.

ये बोलकर में अवनि आंटी को बीएड पर ऐसे hi कमर के बल लेता देता हु और वो अपनी दोनों टंगे खोल कर मेरे सामने लेट जाती है जिसकी वजह से उनकी पिंक कलर की छोटी सी छूट



मेरे सामने आजाती है जिसको देख कर में उनसे बोलता हु.

में- वाओ अवनि इतना छोड़ने के बाद भी आपकी छूट कितनी प्यारी है और कितनी टाइट भी लग रही है देखने में.

मेरी बात सुनकर अवनि आंटी मुस्कुराते हुआ मुझसे बोलती है.

अवनि आंटी- ऐसे hi थोड़ी इतनी प्यारी है बहुत केयर करनी पड़ती है इसकी और रही बात टाइट की तो लगता नहीं अब ज्यादा दिन रहने वाली है.

ये बात अवनि आंटी मेरे लैंड की तरफ देख कर बोलती है जिसको देख कर में अपने फेस पर एक कामिनी मुस्कान लेकर आता हु और अपने लैंड को जैसे hi उनकी छूट के पास लेकर जाता हु वैसे hi अवनि आंटी मुझसे बोलती है.

अवनि आंटी- युवी प्लीज आराम से डालना तेरा लैंड बहुत बड़ा है और मेने आज तक सिर्फ इसके आधे hi लैंड अपनी छूट में लिए है.

ये बोलते टाइम उनके फेस पर दर्द अलग hi दिख रहा होता है जिसको देख कर में उनसे बोलता हु.

में- आप चिंता मारो करो में बहुत प्यार से डालूगा.

ये बोलकर में अपने लैंड पर बहुत सारा थूक लगता हु और अवनि आंटी की छूट पर उसकी सेट करके अंदर को पूछ करता हु और जैसे hi मेरे लैंड का टोपा उनकी छूट में जाता है उनके मुँह से एक हलकी अह्ह्ह्हह्हह की आवाज निकलती है जिसको सुनकर में अपने लैंड को उनकी छूट में थोड़ी जान लगा कर पूछ करने लगता हु जिसकी वजह से मेरे करीब 4 इंच



लैंड उनकी छूट में चला जाता है जिसकी वजह से उनके मुँह से इस बारे थोड़ी दर्द भरी अह्ह्ह्हह्हह की आवाज निकलती है और अपने दोनों हाथो से मेरी दोनों टैंगो को पकड़ कर बहार की तरफ को पूछ करने लगती है जिसकी वजह से मेरा और लैंड उनकी छूट में न जा सके और ये सब देख कर में भी मुस्कुराते हुआ वही रुक जाता हु और धीरे धीरे अपने लैंड को उनकी छूट में अंदर बहार करने लगता हु जिसकी वजह से अवनि आंटी के मुँह से हलकी हलकी अह्ह्ह्हह्हह अह्ह्ह्हह्हह की सिसकिया निकलने लगती है जिसको सुनकर में झुक कर अपने लिप्स अवनि आंटी के लिप्स पर रख देता हु और अपने दोनों हाथ उनकी दोनों मोती मोती चूचियों पर जैसे hi रखता हु तो मुझे ऐसा फील होता है जैसे मेने रुई ( कॉटन) से बानी चीज़ को पकड़ लिया हो.

इधर में अवनि आंटी की दोनों चूचियों को पकड़ कर उनकी चूचियों को मसलने लगता हु और मौका देख कर एक धक्का मार देता हु जिसकी वजह से मेरा आधे से ज्यादा लैंड



अवनि आंटी की छूट में चला जाता है और उनके मुँह से एक दर्द भरी अह्ह्ह्हह्हह की आवाज निकलती है जिसके लिए में पहले से hi त्यार था और मेने अपने लिप्स से उनके लिप्स को दबा लिया था जिसकी वजह से उनके छिलने की आवाज मेरे मुँह में hi डाब गयी थी.

और इधर में अवनि आंटी की दोनों चूचियों को बुरी तरह मसलने लगता हु और साथ में उनके लिप्स पर किश करना बंद करके उनकी गर्दन पर किश करने लगता हु क्युकी में अच्छी तरह जनता था की लड़किया खा किश करने से जल्दी गरम होती है. ये करने के साथ साथ में अपने लैंड को भी हल्का हल्का उनकी छूट में अंदर



बहार करने लगता हु जिसकी वजह से उनके मुँह से लगातार हलकी हलकी दर्द भरी अह्ह्ह्हह्हह अह्ह्ह्हह्हह की आवाजे निकलने लगती है जिसको सुनकर में अवनि आंटी से बोलता हु

में- अवनि आंटी अभी भी दर्द हो रहा है.

मेरी बात सुनकर अवनि आंटी कामिनी मुस्कान के साथ मुझसे बोलती है.

अवनि- तेरा इतना बड़ा लैंड है वोटो कुछ टाइम तक होगा ही

ये बोलकर अवनि आंटी निचे से अपनी गांड हिलने लगती है जिसको देख कर में अपने दोनों हाथो से उनकी दोनों टैंगो को पकड़ कर छोड़ा देता हु और इस बार थोड़े तीज तीज



धक्के मरने लगता हु जिसकी वजह से मेरा लैंड तीज तीज अवनि आंटी की छूट में अंदर बहार होने लगता है और उनके मुँह से लगातार हलकी हलकी अह्ह्ह्हह्हह अह्ह्ह्हह्हह की आवाजे निकलने लगती है जिसको सुनकर में धक्के मरते हुआ उनसे बोलता हु.

में- अह्ह्ह्हह्हह अह्ह्ह्हह्हह अवनि आंटी क्या छूट है अपनी कितनी टाइट और गरम मुझे अपने लैंड पर आपकी छूट की इतनी गर्मी फील हो रही है मुझे ऐसा लग रहा है जैसे आपकी छूट में किसी ने हीटर जला रखा हो.

मेरी बात सुनकर अवनि आंटी निचे से अपनी गांड हिला कर मुझसे बोलती है.

अवनि आंटी- अह्ह्ह्हह्हह यूवीए ये मेरी छूट की गर्मी है जो बहुत टाइम से इसके अंदर है और अब ये तुमको अपने इस दुमदार लैंड से निकालनी है.

अवनि आंटी की बात सुनकर में उनकी दोनों टंगे पकड़ कर मोड़ देता हु और फिर अपनी एक तंग बीएड के निचे कर कर तीज तीज



धक्के मरने लगता हु जिसकी वजह से मेरा लैंड आधे से ज्यादा अवनि आंटी की छूट में जाता और फिर बहार आजाता जिसकी वजह से अब अवनि आंटी को भी मजा आने लगता है और वो तीज तीज सिसकिया लेते हुआ मुझसे बोलती है.

अवनि आंटी- अह्ह्ह्हह्हह अह्ह्ह्हह्हह यूवीए अह्ह्ह ऐसी hi टीज़ टीज़ ढक्कीीे मार मुझे हमेशा से hi ऐसी चुदैई चाहिए थीई जो मुझे आज तक कोई नहीं दे पाया है अह्ह्ह्ह यूवीए आईसीईए हीई बाबू.

ये बोलकर अवनि आंटी भी निचे से अपनी गांड उठा उठा कर मेरे हर धक्के का जवाब अपने हर धक्के से देने लगती है जिसकी वजह से उनकी छूट बहुत ज्यादा पानी छोड़ने लगती है और उसकी पानी की वजह से पुरे रूम में पांच पांच की आवाजे गूंजने लगती है जिसको सुनकर मेरे दिल को बहुत सुकून मिलता है और में उनसे बोलता हु.

में- अह्ह्ह्हह्हह अवनी आंटी क्या छूट है आपकी आज बहुत दिन बाद टाइट छूट मिली है वर्ण बहुत दिन से खुली छूट मारनी पद रही है..

ये बोलकर जैसे hi में 3 या 4 धक्के मरता हु वैसे hi अवनि आंटी मुझसे बोलती है.

अवनि आंटी- अह्ह्ह्हह्हह अह्ह्ह्हह्हह यूवीए ऐसी hi तीज तीज धक्के मरते राहु मेरा किसी भी तिमी पनीइ निकल सकता हैई.

अवनि आंटी की बात सुनकर में अपना लैंड पूरा बहार निकल कर एक hi बार में पूरा अंदर दाल कर धक्का मरता हु जिसकी वजह से अवनि आंटी एक दम से बोलती है.

अवनि आंटी- अह्ह्ह्हह्हह अह्ह्ह्हह्हह यूवीए मेटो गयी.

ये बोलकर वो झाड़ जाती है और उनकी छूट से उनका पानी निकल कर बीएड पर



गिरलने लगता है और अवनि आंटी बीएड पर आराम से लेट कर हाफने लगती है जिसको देख कर मुझे दिल hi दिल बहुत खुसी होती है क्युकी मुझे बहुत खुसी होती है ऐसी अवनि आंटी को झाड़ता हुआ देख कर..

तो बे कॉन्टिनोएड....
 
अपडेट 157 🔞

गिरलने लगता है और अवनि आंटी बीएड पर आराम से लेट कर हाफने लगती है जिसको देख कर मुझे दिल hi दिल बहुत खुसी होती है क्युकी मुझे बहुत खुसी होती है ऐसी अवनि आंटी को झाड़ता हुआ देख कर क्युकी अवनि आंटी को िएर अंकल छोड़ते तो थे बूत सटिस्फीएड नहीं करते थी इसलिए आज उनको अच्छे से सटिस्फीएड करके मुझे बहुत खुसी मिल रही थी इसलिए में अवनि आंटी से बोलता हु

में- अवनि डार्लिंग मजा आया आज चुदाई करवाने में..

मेरी बात सुनकर अवनि आंटी मुस्कुराते



हुआ मुझसे बोलती है..

अवनि आंटी- युवी बहुत मजा आया यार आज जो मेरी चुदाई हुई है वैसे लोफे में कभी नहीं हुयी...

ये बोलते टाइम अवनि आंटी के फेस पर जो सटिस्फैक्शन था वो अलग प्रकार का hi था जिसको देख कर में अवनि आंटी से बोलता हु.

में- तो बाबू फिर एक राउंड और हो जाई..

मेरी बात सुनकर अवनि थोड़ा साफ फेस बनाते हुआ मुझसे बोलती है.

अवनि आंटी- युवी मैं तो मेरा भी कर रहा है बूत फर्स्ट टाइम इतना मोटा लैंड लेने की वजह से मेरी छूट में पैन और जलन दोनों एक साथ हो रही है इसलिए हम फिर कभी करेंगे अबतो वैसे भी में तेरी हु जब मर्ज़ी मुझे छोड़ लिया करना.

ये बोलकर वो मेरे लिप्स पर एक हल्का सा किश करती है और फिर मुझसे बोलती है.

अवनि आंटी- में टॉयलेट करके आती हु

ये बोलकर जैसे hi अवनि आंटी कढ़ी होती है उनके मुँह से एक हलकी दर्द भरी अह्ह्ह्हह्हह की आवाज निकलती है जिसको सुनकर में जल्दी से काढ़ा होकर उनको पकड़ लेता हु और उनसे बोलता हु.

में- क्या हुआ अवनि डार्लिंग तुम ऐसे छिलाई क्योऊ.

मेरी बात सुनकर अवनि आंटी अपनी छूट पर हाथ रखते हुआ मुझसे बोलती है.

अवनि आंटी- युवी मेटि छूट में पैन हो रहा है तुम एक कार करो बाथरूम में जाकर जागर ों कर आओ इतने में पैन किलर खा लेती हु..

ये वो अवनि आंटी पैन किलर एक बॉक्स से निकलती है जो बीएड के पास hi रखा होता है जिसको देख कर में उनको एक गिलास में पानी करके डेरा हु और फिर बाथरूम में जाकर जागर ों करके आजाता हु और अवनि आंटी से बोलता हु.

में- अवनि डार्लिंग ये पैन कुछ hi टाइम का है उसके बाद मजे है मजे है तुम्हारे.

ये बोलकर में अवनि आंटी की एक चुकी को हल्का सा मसल देता हु जिसको देख कर अवनि आंटी मुस्कुराते हुआ मुझसे बोलती है.

अवनि आंटी- वैसे युवी तूने आज तक कितनो की चुदाई करि है अपने इस मोठे लैंड से क्युकी चुदाई के टाइम साफ़ पता चल रहा था की तुझे चुदाई करने का काफी एक्सपीरियंस है..

अवनि आंटी की बात सुनकर में कामिमि मुस्कान के साथ उनसे बोलता हु.

में- मेने दो लड़कियों को छोड़ा है झा में पहले रहता था..

मेरी बात सुनकर अवनि आंटी मुस्कुराते हुआ मुझसे बोलती है.

अवनि आंटी- यह किसी को नहीं छोड़ा यह भी तो एक से बढ़कर एक लड़की है जैसे अवनीत. जन्नत. अरिष्फ. और सोनू.

अवनि आंटी की बात सुनकर में कामिमि मुस्कान के साथ उनसे बोलता हु.

में- वोटो है उनके साथ साथ यह ाउंटिया भी बहुत सेक्सी सेक्सी है साली सब की सब लैंड काढ़ा कर देती है...

मेरी बात सुनकर अवनि आंटी मुस्कुराते हुआ मुझसे बोलती है.

अवनि आंटी- है वोटो है वैसे तू किसको छोड़ना कहता हैई..

अवनि आंटी की बात सुनकर में एक हाथ से अपने लैंड



को पकड़ते हुआ उनसे बोलता हु.

में- डार्लिंग मेटो सभी तो छोड़ना कहता हु स्पेशल बबिता को साली बिलकुल आपके जैसे दिखती है मोती मोती चूचिया मोती गांड एक दम छोड़ने लायक माल हैई...

मेरी बात सुनकर अवनि आंटी मुस्कुराते हुआ मुझसे बोलती है...

अवनि आंटी- अच्छा जीई इतनी पसंद है वो तुमको.

में- पसंद तो मुझे तुम हो मेरी जान अबतो बीएस तुमको छोड़ना है अच्छे से तुम्हारे दोनों होल्स को...

अवनि आंटी- ठीक है जैसी छोड़ना है छोड़ लेना बूत अभी तुम मेरी छूट को छोड़ कर मजे लो गांड फिर कभी बादमे मार लेना इतने में अपनी गांड के होल को थोड़ा खोल भी लुंगी तुम्हारे लैंड के अनुसार.....

ये बोलकर वो बीएड से कढ़ी होती है जिसको देख कर में समझ जाता हु वो नहाने जा रही है इसलिए में उनसे बोलता हु...

में- ठीक है डार्लिंग अब में चलता हु और तुम भी गेट को लॉक करने के बाद नाहा लेना..

ये बोलकर में जल्दी से अवनि का हाथ पकड़ कर अपनी तरफ घुमा लेता हु और हम दोनों एक दूसरे को किश



करने लगते है और 1 या 2 मिंट तक किश करने के बाद हम दोनों अलग होते है और फिर अवनि आंटी मुस्कुराते हुआ मुझसे बोलती है.

अवनि आंटी- युवी अब तुम मुझे अकेले में अवनि hi बोलै करो और हम फिर जल्दी hi मिलते है एक बार मेरी ये छूट ठीक हो जाई..

अवनि आंटी की बात सुनकर में अपना अंडरवियर उठा कर पेहेन लेता हु और उसके बाद अपना लोअर और t-shirt भी पेहेन लेता हु और मैं गेट की तरफ चल देता हु जिसको देख कर अवनि आंटी भी मेरे पीछे पीछे चल देती है और फिर हम दोनों मैं गेट के पास जाकर रुक जाते है और फिर वह एक हलकी सी किश करते है और उसके बाद में अवनि के आंटी से निकल जाता हु और जब अपनी विंग की तरफ जा रहा होता हु तो मुझे कंपाउंड में माधवी आंटी



जाती हुई दिखती है वो भी भिड़े अंकल के साथ उन्होंने ने उस टाइम एक वाइट कलर की साड़ी पेहेन राखी होती है जिसमे उनकी मोती गांड की शेप अलग hi दिख रही होती है जिसको देख कर में अपने मैं में सोचता हु.

में- ( अपने मैं में ) अरे वाह क्या गांड है यार माधवी आंटी की िएर अंकल के तो मजे hi आजाते होंगे जब इनको छोड़ते होंगी..

ये बोलकर में भी उनके पीछे पीछे जाने लगता हु और जब वो सिडिया चढ़ती है तो उनकी मोती गांड



बहुत hi ज्यादा बहार को निकल जाती है जिसको देख कर में खुद से बोलता हु.

में- यार युवी माधवी आंटी को तो एक बार जरूर छोड़ना पडेगा...

ये बोलकर में अपने लैंड को मसलता हुआ उनके पीछे चल देता हु और जब थोड़ी आगे जाकर देखता हु तो भिड़े अंकल मुझे कही नहीं दीखते जिसकी देख कर में माधवी आंटी के पास जाता हु और उनसे बोलता हु.

में- कैसे हो माधवी आंटी आज तो आप इस साड़ी में बहुत सुन्दर लग रही हो..

ये बात में उनके पीछे जाकर बोलता हु जिसकी वजह से वो जैसे hi पीछे मुड़कर देखती है तो उनकी नज़र सीधा मेरे काढ़े लैंड



पर पड़ती है जिसकी शेप मेरे लोअर के अंदर से अलग hi दिख रही होती है जिसको देख कर माधवी आंटी का मुँह खुला का



खुला रह जाता है और वो अपने मैं में सोचती है.

माधवी आंटी- एगो बाई ये युवी इंसान है या घोडा जो इतना मोटा लैंड लेकर घूम रहा है येतो जिसकी भी छूट में जाएगा उसकी प्यास अच्छे से शांत कर देगा.

ये सोच कर माधवी आंटी अपने लिप्स पर जीभ फेरने लगती है जिसको में देख लेता हु और उनसे बोलता हु.

में- वैसे आंटी में आपसे एक बात बोलू बुरा तो नहीं मनोगीइ...

मेरी बात सुनकर माधवी आंटी मेरे लैंड को देखते हुआ है में सर हिला देती है जिसको देख कर में कामिनी मुस्कान के साथ उनसे बोलता हु.

में- माधवी आंटी भिड़े अंकल बहुत नसीब वाले है जो उनको आपके जैसे हॉट और सेक्सी वाइफ मिली खास उनकी जगह में आपका बर्फ होता तो डेली आपको अच्छे से..

ये बोलकर में चुप हो जाता हु जिसको सुनकर माधवी आंटी मुझसे बात सुनकर.

माधवी आंटी- क्या अच्छे से.

माधवी आंटी की बात सुनकर में कामिनी मुस्कान के साथ उनसे बोलता हु.

में- बुरा मत मन्ना प्लीज. अगर में आपका बर्फ होता तो आपको अच्छे से छोड़ता और आपकी इस उनसटिस्फीएड छूट को अच्छे से शांत करता..

मेरी बात सुनकर माधवी आंटी शॉकेड हो जाती है और फिर हकलाते हुआ मुझसे बोलती है.

माधवी आंटी- यूउ युवव्व युवी तुझे किसने बोला में उनसटिस्फीएड हु.

माधवी आंटी की बात सुनकर में कामिमि मुस्कान के साथ उनसे बोलता हु..

में- अगर आप सटिस्फीएड हो तो सोनू की कसम खा कर बोलना की तुम सटिस्फीएड हो और भिड़े अंकल आपको अच्छे से छोड़ते है...

मेरी बात सुनकर माधवी आंटी एक दम चुप हो जाती है जिसको देख कर मेरे फेस पर कामिनी मुस्कान आजाती है और में इधर उधर देखता हु और फिर माधवी आंटी से बोलता हु.

में- देखो आंटी जो आपको चाहिए वो मेरे पास है और जो मुझे चाहिए वो आपके पास है..

ये बोलकर में अपने लोअर को पकड़ कर निचे कीच देता हु जिसकी वजह से मेरा काढ़ा लैंड



माधवी आंटी की आखो के सामने आजाता है...

माधवी आंटी- युवी इसको अंदर कर कोई देख लेगा यहां.

माधवी आंटी की बात सुनकर में समझ जाता हु की इनको मेरे लैंड दिखने से कोई प्रॉब्लम नहीं है बूत कोई देख न ले ये प्रॉब्लम है..

ये सोच कर में उनसे बोलता हु

में- वैसे आंटी आपको मेरा लैंड कैसा लगाए..

मेरी बात सुनकर माधवी आंटी कुछ सोचने



लगती है जिसको देख कर में माधवी आंटी से बोलता हु.

में- माधवी आंटी हम ऊपर टेरेस पर चलते है वह तुम मेरे लैंड को अच्छे से पकड़ कर देख लेना की कैसा है

मेरी बात सुनकर माधवी आंटी कुछ सोचते हुआ मुझसे बोलती है.

माधवी आंटी- युवी अभी नहीं रात में देखुगीय

ये बोलकर माधवी आंटी चुप चाप अपने घर की तरफ चल देती है जिसकी देख कर में भी मुस्कुराते हुआ अपने घर की तरफ चल देता हु और जैसे hi घर के अंदर घुसता हु तो मेरी नज़र सामने कढ़ी पालक दीदी पर पड़ती है जो उस टाइम ब्लैक कलर



के सलवार सूट पेहेन कर कढ़ी होती है जिसमे वो बहुत सुन्दर लग रही होती है जिसको देख कर में उनसे बोलता हु.

में- अरे वाह मेरी जान खा जा रही हो इतनी सुन्दर बनकर..

मेरी बात सुनकर पालक दीदी मुझसे बोलती है.

पालक दीदी- युवी खा था तू में तुझे hi ढूंढ रही थी चल एक काम कर जल्दी से त्यार हो जा हमको बहार जाना है.

पालक दीदी की बात सुनकर में मुस्कुराते हुआ उससे अपने रूम में चला जाता हु और इधर पोपटलाल के घर पर सोफ़िया एक वाइट कलर का सलवार



सूट पेहेन कर पोपटलाल के सामने सोफे पर बैठी हुई थी और पोपटलाल उसके पेअर दबा रहा होता है और पर दबाते दबाते सोफ़िया से बोलता है..

पोपटलाल- सोफ़िया तुम ये सब मेरे साथ क्यों कर रही हो और वो भी उस जेठालाल के कहने पर जो तुमको सिर्फ एक रंडी से बढ़ कर कुछ नहीं मरना..

पोपटलाल की बात सुनकर सोफ़िया कामिनी मुस्कान के साथ उससे बोलती है

सोफ़िया- जब में एक रंडी हु तो वो मुझे रंडी मानेगे hi न.

सोफ़िया की बात सुनकर पोपटलाल थोड़ा इमोशनल होते हुआ उससे बोलता हु.

में- देखो सोफ़िया में मंटा हु तुम पहले रंडी थी बूत अब तुम मेरी वाइफ हो और मुझे तुम्हारे पास्ट से कोई प्रॉब्लम नहीं है बूत तुम अब तो एक इज़्ज़तदार ज़िन्दगी जी सकती हो आकर कब तक तुम ऐसे ज़िन्दगी जीओगीय.

इधर पोपटलाल की बात सुनकर सोफ़िया सोच में पद जाती है
 
अपडेट 158 🔞

सोफ़िया- जब में एक रंडी हु तो वो मुझे रंडी मानेगे hi न.

सोफ़िया की बात सुनकर पोपटलाल थोड़ा इमोशनल होते हुआ उससे बोलता हु.

में- देखो सोफ़िया में मंटा हु तुम पहले रंडी थी बूत अब तुम मेरी वाइफ हो और मुझे तुम्हारे पास्ट से कोई प्रॉब्लम नहीं है बूत तुम अब तो एक इज़्ज़तदार ज़िन्दगी जी सकती हो आकर कब तक तुम ऐसे ज़िन्दगी जीओगीय.

इधर पोपटलाल की बात सुनकर सोफ़िया सोच में पद जाती है जिसको देख कर पोपटलाल सोफ़िया से बोलता है.

पोपटलाल- सोफ़िया तुमको जितना भी टाइम लेना है लेलो बूत एक बार ठन्डे दिमाग से सोचो इस बारे में.

ये बोलकर पोपटलाल घर से बहार चला जाता है और वही सोफ़िया पोपटलाल की बात सुनकर सोच में पद जाती है और इधर में अपने रूम में त्यार होकर जैसे hi बहार



आता हु तो पालक दीदी मुझे देख कर मुस्कुराते हुए मुझसे बोलती है

पालक दीदी- युवी तू तो बहुत हैंडसम लग रहा है आज.

पालक दीदी की बात सुनकर में उनकी कमर में हाथ दाल कर उनको अपने से चिपका लेता हु और धीरे से उनके कान में बोलता हु.

में- जब मेरी गर्लफ्रेंड इतनी सुन्दर लग रही है तो उसकी टक्कर के लिए मुझे थोड़ा बहुत हैंडसम तो लग्न पड़ेगा ना.

ये बोलकर में हल्का सा किश पालक दीदी के लिप्स पर कर देता हु जिसको देख कर वो मुझसे बोलती है.

पालक दीदी- युवी क्या कर रहा है कोई देख लेगा

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ये बोलकर वो मुझसे अलग हो जाती है और फिर मुझसे बोलती है

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पालक दीदी- चल युवी चलते है

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ये बोलकर वो मैं गेट की तरफ चल देती है जिसको देख कर में भी उनके पीछे पीछे चल देता हु और जैसे hi हम घर से बहार निकलते है में पालक दीदी से बोलता हु.

में- वैसे पालक दीदी हम जा खा रहे है.

मेरी बात सुनकर पालक दीदी इधर उधर देखती है और फिर मुस्कुराते हुआ मुझसे बोलती है.

पालक दीदी- डेट पर.

ये बोलकर वो मुझे आँख मार देती है जिसको देख कर में मैं hi मैं बहुत खुस होता हु क्युकी में एहि कहता था की हम दोनों ज्यादा से ज्यादा टाइम एक साथ बिताये क्युकी जितना टाइम हम एक साथ बिताएंगे उतना जल्दी में पालक दीदी को छोड़ पाउगा ये सोच कर में पालक दीदी के साथ चुप चाप जाने लगता हु और फिर हम सोसाइटी से बहार आकर एक टैक्सी 🚕 लेते है जिसको पालक दीदी एक एड्रेस बताती है और फिर मुझसे बोलती है.

पालक दीदी- तो युवी बाबू आज कैसा लग रहा है मेरे साथ फर्स्ट डेट पर जाना.

पालक दीदी की बात सुनकर मेरे फेस पर मुस्कान आजाती है जिसको देख कर पालक दीदी मुस्कुराते हुआ मुझसे बोलती है.

पालक दीदी- समझ गयी बाबा तुझे कैसा लग रहा है.

ये बोलकर पालक दीदी सामने देखने लगती है जिसको देख कर में अपना एक हाथ उनकी लेफ्ट जांघ पर रख देता हु जिसको देख कर वो मुझे सिर्फ एक स्माइल देती है और फिर वापस से सामने देखने लगती है जिसको देख कर मुझे थोड़ी हिम्मत मिलती है और में अपना हाथ धीरे धीरे पालक दीदी की जांघ पर रब करने लगता हु जिसकी महसूस करके पालक दीदी मुझे कुछ नहीं बोलती बल्कि एक स्माइल देती है बूत तभी टैक्सी ड्राइवर हमसे बोलता है.

टैक्सी ड्राइवर- मम आपकी लोकेशन आगयी है.

ड्राइवर की बात सुनकर जब में बहार देकता हु तो मुझे पता चलता है की हम बहुत बड़े रिसोर्ट



में पहुंच गए है जिसको देख कर मुझे मैं hi मैं बहुत खुसी मिलती है क्युकी जो में इतने दिनों से कहता था फाइनली वो आज मुझे मिलने वाला था इधर पालक दीदी टैक्सी वाले को पेमेंट करके भेज देती है और फिर मुझसे बोलती है.

पालक दीदी- चलो युवी अंदर चलते है

ये बोलकर वो मेरा हाथ पकड़ कर रिसोर्ट के अंदर जाने लगती है और फिर रिसेप्शन पर जाकर रिसेप्शनिस्ट से बोलती है.

पालक दीदी- मम पालक के नाम से शिवांगी ने एक रूम बुक किया होगा

पालक दीदी की बात सुनकर रिसेप्शनिस्ट मुस्कुराते हुआ हम दोनों को देखती है और फिर पालक दीदी से बोलती है.

रिसेप्शनिस्ट- यस शिवांगी मम का कॉल आया था उन्होंने आपके के एक सरप्राइज प्लान किया है वो आपको रूम में जाकर पता चल जाएगा.

ये बोलकर रिसेप्शनिस्ट हमे रूम की देती है और साथ में रूम नंबर भी बताती है और साथ में हमारे साथ चलती है और जब हम रूम के पास पहुंचते है तो रिसेप्शनिस्ट पालक दीदी से मुस्कुराते हुआ बोलती है.

रिसेप्शनिस्ट- मम ये है आपका रूम एन्जॉय योर नाईट आपके जरुरत hi सभी चीज़े रूम में मौजूद है और अगर आपको कुछ और चाहिए तो रिसेप्शन पर कॉल करके बोल देने क्युकी आप हमारे स्पेशल गेस्ट है.

ये बोलकर वो मुस्कुराते हुआ वह से चली जाती है जिसको देख कर में पालक दीदी से बोलता हु.

में- दीदी ये लड़की क्या बोल रही थी.

मेरी बात सुनकर पालक दीदी रूम अनलॉक करती है और मुस्कुराते हुआ मुझसे बोलती है.

पालक दीदी- तुमको सब रूम में जाकर पता चल जायेगा.

ये बोलकर पालक दीदी रूम का गेट ओपन कर देती है और अंदर का सीन देख कर मेरे होश उड़द जाते है क्युकी रूम अंदर से फुल डेकोरेट



था और वो भी नार्मल नहीं फुल हनीमून टाइप जिसको देख कर कोई भी समझ सकता है ये रूम सिर्फ चुदाई के लिए hi इतना सजाया गया है इधर पालक दीदी मुस्कुराते हुआ मुझे देखती है और फिर मेरा हाथ पकड़ कर मुझे रूम के अंदर लेकर जाती है और गेट बंद करके मुझसे बोलती है

पालक दीदी- युवी तुम इतना शॉकेड क्यों हो तुम तो एहि कहते थे न.

पालक दीदी की बात सुनकर में कामिमि मुस्कान के साथ उनसे बोलता हु.

में- कहता था तो में एहि बूत मुझे ये सब इतनी जल्दी मिल जायेगा ये मेने कभी सपने में भी नहीं सोचा था

मेरी बात सुनकर पालक दीदी मुस्कुराते हुआ मुझसे बोलती है.

पालक दीदी- युवी तुम बीएड पर बैठो तुम्हारा सपना बहुत जल्दी सच होने वाला है.

ये बोलकर वो एक टेबलेट की तरफ जाती है झा एक बैग रखा होता है उसको लेकर वो बाथरूम में घुस जाती है जिसको देख कर में उर्वी को कॉल करता हु जिसको पिक करते hi वो मुझसे बोलती है.

उर्वी- भाई तू तो पालक दीदी के साथ उनकी फ्रेंड की बर्थडे पार्टी में गया था न.

में- तुझे किसने बोलै.

उर्वी- वो जब पालक दीदी ने माँ से परमिशन ली थी तब में वही थी.

उर्वी की बात सुनकर में मुस्कुराते हुआ उससे बोलता हु.

में- में किसी बर्थडे पार्टी में नहीं बल्कि पालक दीदी के साथ यह आया हु.

ये बोलकर में रूम की एक पिछ क्लिक करके उसको भेज देता हु जिसको देख कर वो शॉकेड हो जाती है और मुझसे बोलती है.

उर्वी- क्या सच में आज मेरे जीजू और भाभी की सुहागरात है.

उर्वी की बात सुनकर में मुस्कुराते हुआ उससे बोलता हु.

में- है लग तो मुझे भी ऐसा hi रहा है.

जैसे hi में ये बात बोलता हु वैसे hi बाथरूम का गेट ओपन होता है और पालक दीदी मेरे सामने आजाती है उनको देख कर मेरे होश उड़द जाते है क्युकी पालक दीदी ने एक रेड कलर



की मिनी स्कर्ट पेहेन राखी होती है जिसमे राइट साइड एक बहुत बड़ा कट था और वही ऊपर उन्होंने एक रेड कलर का छोटा सा टॉप पेहेन रखा होता है जिसमे वो बहुत सेक्सी लग रही होती है जिसको देख कर में अपना मोबाइल साइड में टेबल पर रख लेता हु और पालक दीदी से बोलता हु.

में- वाओ मेरी जान पालक आज तो तुम इस रूप में बहुत सेक्सी लग रही हो.

मेरी बात सुनकर पालक दीदी मेरे पास आती है और मेरी गॉड में बैठ कर मुझसे बोलती है.

पालक दीदी- मेरे राजा सुहागरात डेली डेली थोड़ी बनती है सुहागरात तो एक बार hi बनती है

ये बोलकर वो एक दम से अपने लिप मेरे



लिप पर रख देती है और मेरे लोअर लिप्स को चूसने लगती है और वही में उनके ऊपर वाले लिप को चूसने के साथ साथ उनकी दोनों चूचियों को मसलने लगता हु जिसकी वजह से मेरा लैंड काढ़ा हो जाता है और वो पालक दीदी को अपनी गांड में महसूस होने लगता है जिसको महसूस करके वो थोड़ी मेरे पैरो पर होती है और मेरे लैंड को मेरी जीन्स के ऊपर से hi पकड़ लेती है और मुझसे बोलती है.

पालक दीदी- युवी येतो बहुत बड़ा लग रहा है.

पालक दीदी की बात सुनकर में उनकी एक चुकी को मसलते हुआ उससे बोलता हु.

में- मेरी जान एहि तेरी छूट की गर्मी निकलेगा आज.

ये बोलकर में पालक दीदी को बीएड पर लेता देता हु और उनकी गर्दन पर किश करने लगता हु साथ में पालक दीदी की दोनों चूचियों को भी मसलने लगता हु जिसकी वजह से पालक दीदी हलकी दर्द भरी सिसकिया लेते हुआ मुझसे बोलती है.

पालक दीदी- अह्ह्ह्हह्हह अह्ह्ह्हह्हह यूवीए बाबू क्या जादू है तेरे हाथो में ऐसा जादू तो माँ जैसे एक्सपीरियंस के हाथो में भी नहीं है.

पालक दीदी के मुँह से माँ का नाम सुनकर में रुक जाता हु और उनकी तरफ देखते हुआ उनसे बोलता हु.

में- इसका मतलब आप और माँ लेस्बियन करती हो.

ये बोलकर में उनकी स्कर्ट पकड़ कर निकल देता हु जिसको देख कर पालक दीदी भी अपना टॉप निकल कर साइड के रख देती है और अपनी पंतय को



साइड में करते हुआ मुझे अपनी छूट दिखते हुआ मुझसे बोलती है.

पालक दीदी- बेसक मेने माँ के साथ लेस्बियन किया हो बूत मेरी छूट इतनी भी ज्यादा खुली नहीं है की में तेरा जैसे घोड़े का लैंड इतनी आसानी से ले सकू.

पालक दीदी की बात सुनकर में मुस्कुराते हुआ उनसे बोलता हु.

में- मेरी जान आज में तेरी इस छूट को इतना छोड़ूगा की ये इतनी खुल जाये की मेरा लैंड लेने में तुमको ज्यादा प्रॉब्लम न हो.
 
अपडेट 159 🔞

पालक दीदी- बेसक मेने माँ के साथ लेस्बियन किया हो बूत मेरी छूट इतनी भी ज्यादा खुली नहीं है की में तेरा जैसे घोड़े का लैंड इतनी आसानी से ले सकू.

पालक दीदी की बात सुनकर में मुस्कुराते हुआ उनसे बोलता हु.

में- मेरी जान आज में तेरी इस छूट को इतना छोड़ूगा की ये इतनी खुल जाये की मेरा लैंड लेने में तुमको ज्यादा प्रॉब्लम न हो.

ये बोलकर में पालक दीदी को पकड़ कर बीएड के कोने पर कीच लेता हु जिसकी वजह से पालक दीदी की छूट



बिलकुल मेरी दोनों आखो के सामने आजाती है जिसकी वजह से उनकी पिंक कलर देख कर मेरे मुँह में पानी आजाता है और में पालक दीदी की छूट को देखते हुआ उनसे बोलता हु.

में- दीदी माँ की छूट भी आपके जितनी प्यारी है.

मेरी बात सुनकर पालक दीदी स्माइल करते हुआ मुझसे बोलती है.

पालक दीदी- क्यों तुझे क्या करना है माँ की छूट से.

इधर दीदी के मुँह से इतने खुले वर्ड्स सुन कर मेरे फेस पर मुस्कान आजाती है और में एक आँख मरते हुआ पालक दीदी से बोलता हु.

में- जो में अपनी छूट के साथ करूंगा वही करना है मेरी जान

ये बोलकर में निचे बैठ जाता हु और इससे पहले पालक दीदी कुछ बोल पति में अपनी जीभ उनकी



छूट पर रख कर उनकी छूट को धीरे धीरे चाटने लगता हु और इधर जैसे hi में अपनी जीभ पालक दीदी की छूट पर रखता हु वैसे hi उनके मुँह से एक हलकी सिसकियाँ के साथ निकलता है.

पालक दीदी- अह्ह्ह्हह्हह यूवीए.

इधर में दीदी की बात को अनसुनी करके उनकी छूट चाटने पर hi ध्यान लगता हु और अपनी जीभ को उनकी छूट के अंदर डालकर अंदर बहार करने लगता हु जिसकी वजह से पालक दीदी की हालत ख़राब होने लगती है और वो मेरे सर को अपनी छूट पर दबाते हुआ मुझसे बोलती है.

पालक दीदी- अह्ह्ह्हह्हह अह्ह्ह्हह्हह यूवीए भाई छत्त अपनी बहन की छूट को अह्ह्ह्हह्हह युवी मेटो बहुत दिन से इस दिन का वेट कर रही थिई

ये बोलकर पलाद दीदी मेरे सर को अपनी छूट में इतनी तगत से दबाने लगती है की मुझे सास लेने में प्रॉब्लम होने लगती है जिसकी वजह से में अपना मुँह उनकी छूट से हत्ता लेता हु और अपनी जगह से काढ़ा होकर पालक दीदी से बोलता हु.

में- क्या कर रही हो दीदी मुझे मार कर रहोगी क्याआ.

इधर मेरी बात सुनकर पालक दीदी मुस्कुराते हुआ मुझसे बोलती है.

पालक दीदी- में खा तुमको मृगी मरोगे तो तुम मेरी अभी.

ये बोलकर पालक दीदी अपनी दोनों टंगे



खोल कर मेरे सामने लेट जाती है जिसकी वजह से उनकी छूट थोड़ी खुल जाती है जिसको देख कर में पलाद दीदी से बोलता हु.

में- तो दीदी अब त्यार हो जाओ अपनी सुहागरात के लिए.

ये बोलकर में अपने लैंड पर थूक लगता हु और अपने लैंड को पालक दीदी की छूट



पर सेट करके उनसे बोलता हु.

में- दाल दू दीदी अपने इस लैंड को तुम्हारी छूट में.

मेरी बात सुनकर पालक दीदी मेरी आखो में देखते हुआ बड़े hi प्यार से मुझसे बोलती है.

पालक दीदी- दाल दे बाबू बूत बहुत प्यार से डालना तेरी दीदी की छूट बहुत नाजुक है.

पालक दीदी की बात सुनकर में अपने दोनों हाथो से उनकी छूट की फको को खोल देता हु और



धीरे से अपने लैंड को उसकी छूट में पुश करता हु जिसकी वजह से मेरा आधे से थोड़ा काम लैंड उसकी छूट में आसानी से चला जाता है क्युकी उन्होंने अपनी छूट में डिलडो वगेरा दाल रखा होता है इधर मेरा आधे से काम लैंड उसकी छूट में डालने के बाद में धीरे धीरे अपने लैंड को अंदर बहार करने लगता हु जिसकी वजह से पालक दीदी के मुँह से हलकी हलकी अह्ह्ह्हह्हह अह्ह्ह्हह्हह की आवाजे निकलने लगती है. जिसको सुनकर में पालक दीदी से बोलता हु.

में- अह्ह्ह्हह्हह दीदी में कबसे इस दिन का इंताज़ कर रहा है तब मेरा ये लैंड आपकी गरम छूट में जायेगा और आप मेरी दीदी से मेरी पत्नी बनोगी.

ये बोलकर में अपने दोनों हाथो को पालक दीदी की दोनों चूचियों पर रख देता हु और उनको धीरे धीरे मसलने लगता हु जिसकी वजह से पालक दीदी मस्ती में मुझसे बोलती है.

पालक दीदी- अह्ह्ह्हह्हह अह्ह्ह्हह्हह यूवीए बाबू ऐसी होई छोड़ अपनी दीदी को अह्ह्ह्हह्हह.

पालक दीदी की बात सुनकर में समझ जाता हु की वो गरम हो गयी है इसलिए में मौका देता कर एक धक्का उनकी छूट में मार देता हु जिसकी वजह से मेरा आधे से ज्यादा लैंड



उनकी छूट में चला जाता है जिसकी वजह से उनके मुँह से एक दर्द भरी आवाज निकलती है और वो मुझसे बोलती है.

पालक दीदी- आईए ंयममयीय मर्डर गयीईइ यूवीए बाबू क्या कर रहा है मुझे दर्द हो रहा है.

पालक दीदी की बात सुनकर में धीरे धीरे धक्के मरते हुआ उनसे बोलता हु.

में- दीदी फर्स्ट टाइम कितना भी प्यार से क्यों न करले बूत फर्स्ट टाइम पैन जरूर होता ही.

मेरी बात सुनकर पालक दीदी चुप हो जाती है जिसको देख कर में अपने धक्के मरने की स्पीड



को बढ़ा देता हु और धक्के मरते हुआ उनसे बोलता हु

में- अह्ह्ह्हह्हह दीदी क्या छूट है अपनी कितनी गरम और कितनी टाइट.

ये बोलकर में झुक कर उनकी गर्दन पर किश करने लगता हु और वही मेरी बात सुनकर पालक दीदी अपनी गांड उठा कर मेरा साथ देते हुआ मुझसे बोलती है.

पालक दीदी- अह्हह्ह्ह्ह युवी जब हमारी माँ की छूट अभी तक गरम और टाइट है तो उनकी लड़की की नहीं होगी क्या अह्ह्ह्हह्हह यूवीए भैई माँ की छूट अभी तक लैंड मांगती है इसलिए वो डेली रात में अपनी छूट में डिलडो करके सोती है.

इधर पालक दीदी की बात सुनकर मेरी आखो के सामने माँ का फेस आने लगता है और मेरे अंदर पता नहीं खा से इतनी जोश आता है में पालक से बोलता हु.

में- चल मेरी रैंड श्वेता जल्दी से घोड़ी बन जा.

ये बोलकर में अपना लैंड पालक दीदी की छूट में से निकल लेता हु और इधर मेरी बात सुनकर पालक दीदी भी बिना कुछ बोले छूट चाप घोड़ी बन जाती है जिसको देख कर में फ़ौरन अपना आधा लैंड उनकी



छूट में दाल लेता हु जिसकी वजह से उनके मुँह से एक दर्द भरी अह्ह्ह्हह्हह की आवाज निकलती है जिसको में अनसुना करके पालक दीदी की गांड पर थप्पड़ मरते हुआ उनसे बोलता हु.

में- अह्ह्ह्हह्हह मेरी रैंड श्वेता क्या मोती गांड है तेरी मेरा तो मैं करता है अपना पूरा लैंड एक hi बार में तुम्हारी गांड में पूरा डालदू.

ये बोलकर में अपनी पूरी जान लगा कर धक्के मरने लगता हु जिसकी वजह से पालक दीदी को काफी दर्द होने लगता है और उनकी आखो से आशु आजाते है और वो रट हुआ मुझसे बोलती है.

पालक दीदी- अह्ह्ह्हह्हह अह्ह्ह्हह्हह यूवीए बाबू क्या कर रहा है प्लीज धीरे कर में तेरी बहन हु कोई बाजारू रंडी नहीं.

इधर मुझे पालक दीदी की बातो का कोई असर नहीं हो रहा था क्यों इस टाइम मेरी आखो के सामने माँ का फेस था और मुझे ऐसा लग रहा था जैसे में माँ छोड़ रहा हु इधर जब में नहीं रुकता तो पालक दीदी इस बार थोड़ा चिल्ला कर मुझसे बोलती है.

पालक दीदी- अह्ह्ह्हह्हह यूवीए भाई प्लीज धीरे कर न में तुम्हारी बहन हु माँ नहीं हु

इस बार मेरे कानो में दीदी की आवाज पहुंच जाती है और में होश में आता हु और अपने धक्के मरने की स्पीड काम कर देता हु बूत तभी पालक दीदी का सरीर अकड़ने लगता है जिसकी वजह से वो मुझसे बोलती है.

पालक दीदी- अह्ह्ह्हह्हह अह्ह्ह्हह्हह भोस्डिके अब क्यों स्लो कर रहा है अब तीज तीज कर अब मेरा होना वाला है सेल अब दिखा तेरे लैंड में कितनी जान है

पालक दीदी की बात सुनकर में अपनी पूरी जान लगा कर धक्के मरने लगता हु क्युकी में भी झड़ने को होता हु इसलिए में पालक दीदी को बहुत बेहरमी से छोड़ने लगता हु और करीब 1 मिंट बाद पालक दीदी झाड़ जाती है और जैसे hi उनकी छूट का पानी में अपने लैंड पर महसूस करता हु तो में भी उनकी छूट में झाड़ जाता हु और फिर पालक दीदी के ऊपर गिरकर हाफने लगता हु.
 
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