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- Dec 5, 2013
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( ा बिग ट्रुथ ऑफ़ कमाया लाइफ - 1)
प्रीवियस
राजू- तो बाबूजी इसका मतलब ये हुआ की वो मेका अब इसी सक होगा न
बी ठाकुर - बहुत अच्छा गणित है बीटा राजू पर वो इस साल नहीं बल्कि अगले महीने हेनरी होकि के बाद hi होगा
परिधि -
वाओ इसका मतलब की पुरे एक महीने तक मैं मेले मैं गम सकुंगी वाओ मजा आएगा है न माया भाभी विणा बगाबही
विणा- बिलकुल भाई अगर हमारी पारी इतना खुश है तो मजा तो आएगा hi
Maya-bilkul टिक बोल रही हो अप्प दीदी पर परिधि मेले के चाकर मए अपनी कॉलेज को मत भूल जबा टिक है
अब जब माया ने भूल मत जाना सुना तो उसको कुछ याद आया की उसने अज्ज के दिल राजू के साथ क्या सोचा था
परिधि - नहीं नहीं कॉलेज तो सुबह होगा न मेका तो रात मए होगा hi hi
तो चलिए सुरु करते है आज का अपडेट
तो जब कमाया को अपनी बात याद आ गई तो उसने सोचा की एक बार फिर से ठकुराइन से बात कर लेनी चाहिए उसको इधर
परिधि - वाओ पापा इसका मतलब है की हम लोग गाओं मए होली मनाए वाले है उसके बाद मेला भी मजा आएगा
राजू - ाःह अरे मजा तो आपको होली और मेले मए आने वाले है और मुझे तो कमाया भाभी के हाथो की मालिश से hi मजा आ रहा वो बहुत hi नरम हाथो बिलकुल बहभी के
और ये बोलते बोलते राजू चुप
हो गया और सभी ध्यान राजू की तरफ आ गया और कमाया भी रुक गई
Raju(man मए) - अरे यार अच्छा हुआ रुक गया मैं नहीं तो बीटा इतनी मार पड़ती की हॉस्पिटल मए चला जाता है
विणा- और क्या राजू चुप क्यों हो गया क्या नरम नरन हूँ
राजू- कुछ नहीं भाभी वो कल रत की कुछ बाते याद आ गई थी मुझको इसलिए रुक गया
राजू के महू से ये बात सुन कर तो कमाया को वो सीन याद आ गया जब राजू ने अपने मजबूत हाथो से उसकी दोनों सूची को मसल दिया दिया था
कमाया- (मन मए) इसका मतलब राज मेरे बूब्स के बारे मैं बोलने वाले थी मतलब
उनको इतने पसंद आये मेरे बूब्स हूँ 
विणा- तो क्या सोच रहे हो क्या याद आ गया फिर से तुमको
राजू- वो तो मैं कमाया भाभी के दिल की बात कर रहा था की इनका दिल भी कितना नरम है सबके लिए प्यार hi प्यार है
माया (मन मए) - है है क्यों नहीं
इतना प्यार भरा है इस कामिनी के दिल मैं तुम्हारे लिए कल रात को hi देख ली थी मैं हूँ 
तभी ठकुराइन भी पीछे से अंदर की और आ गई और उनको देख
बी ठाकुर - अच्छा दिनु मैं अपने रूम मैं हु तुम सब आ जाओ और माया बहु
माया- जी बाबूजी कहिये कुछ काम था क्या आपको
बी ठाकुर - है बेटी तुम हम तीनो के लिए थाली अंडे hi लगा दो टिक है तुम सब यहाँ आराम से बाते करो क्यों दिनु
ठाकुर - है है बिलकुल भैय्ये क्यों नहीं तो राणा तू भी आ रहा है हमरे साथ या यही पर
डी राणा - अरे क्यों मजाक कर रहा है भाई अब यहाँ साडी औरते और बच्चे है अब यहाँ रह कर मैं क्या करूँगा
देवकी- है भाइये इनको लेके जाओ अप्प यहाँ से वैसे भी इनको हमारी बाते समझा मैं नहीं आती है
डी राणा- है भगवन सदी को 40 साल को गए है अज्ज तक तुम्हारी बातो को समझने की hi किसिस कर रहा हूँ
ठाकुर - अब तुमको का बताये राणा सबके यही हाल बस सालो का अंतर है राजू
राजू- जी बाबूजी
ठाकुर - एक बात हमेसा याद रखना बीटा की कभी भी किसी औरत की एक बात का एक ारत मत समझना समझना
ठकुराइन - अप्प ये राजू को क्या शिखा रहे हो हम और क्या मतलब आपका की औरत की एक की बातो का एक ारत नहीं होता
ठाकुर -
अरे अरे ठकुराइन तू भी क्या अरे मैं तो बस मजाक कर रहा था और कुछ नहीं है न राजू
राजू- हूँ पर मुझे लगा अप्प मुझे कुछ समझबा चाहते हो
ठाकुर -
अरे क्यों फ़साना चाहता है बीटा अरे राणा तू ह यहाँ क्यों खड़ा है भाई चल माया बहु तोडा जल्दी से भोजन लाना टिक है
और ठाकुर साहब चकते बने और उसने जाते hi सभी लोग जोर जोर से हसने लगे

देवकी- आवो सन्ति यहाँ आके बाथ जाओ मेरे पास
राजू- अच्छा अम्मा मुझे एक बात तो बताओ जरा
ठकुराइन - है पूछ क्या पूछना है तुझको
राजू- यही की तुम्हारा नाम सच मए सन्ति hi है क्या की किसी ने बस ऐसे hi रख लिए
ठकुराइन -
क्यों रे नटखट तू क्यों पूछ रहा है ये सब
राजू- वो क्या है आमा जब भी तुमको देझता हु न कभी भी शांत नहीं रहती हो और नाम देखो शांति है hi hi

देवकी (हस्ते हुए) -
मैं भी इनसे ताहि ोुचती हु की क्या सच मए इसका ये सही नाम है की नहीं
और सभी का जोर जोर से हसने लगे
ठकुराइन -
बस बस बहुत हुआ मेरे नाम का मजाक और ये बाटवो की मेरे यहाँ आने से पहले क्या बाते हो रही कुछ नरम जैसा
विणा- अरे कुछ नहीं मजी वो राजू बोल रहा थी की उसके कमाया भाभी के हाथ कितने नरम है बिलकुल कमाया के दिल की तरह
ठकुराइन - हूँ ये तो राजू ने बिलकुल सही कहा पर क्यों रे नटखट मेरी तो इतनी साडी बहु है और एक पायरी से बेटी भी क्या तुझको ये सब नहीं दिखती
राजू- अरे अम्मा तुम न बात समझ नहीं पाई अब देखो मैं जब से आया हु कमाया भाभी hi मुझे ज्यादा बास्त करती और सलोनी भाभी ने तो अभी अभी hi बात करना सूरी की है और ये सभी भाभी तो कक hi आई तो पहले मुझे पता तो चलना चाहिए न
कमाया (मन मए) -
राज इसका मतलब की वो इन सभी के छू बूब्स को चुना चाहता है
नहीं नहीं सेध ये सिर्फ दिल की बाते कर रहे होंगे हूँ
राजू- भाभी हो गई क्या मालिश पूरी हूँ
कमाया - है मालिश पूरी हो चुकी है अब मेरे साथचलो ऊपर तुमको गोली भी देनी है न मुझको
माया- अरे कमाया वो बच्चा तोड़ी hi है जो उसको गोली उसजे हाथो मए देनी होगी हूँ वो खुद खा लेगा
कमाया- है पर वो गोलिया मेरे रूम मई है न तो मुझको तो जाना hi पड़ेगा राजू के साथ टिक है मजी मैं आती हुआ अभी और तू माया तू भी जा रसोइए मैं बाबूजी इंतजार कर रहे होंगे खाने का
ठकुराइन - है माया बहु तुम जाओ जल्दी से रसोइए मए और खाने की तैयारी करो टिक है
माया - जी मजी अभी जाती हु मैं
ठकुराइन - और है छोटी बहु तुम जाओ और तू भी जा बदमाश कही का उसे भी अब तुझको सिर्फ कुछ और समय तक गोली कहानी होगी टिक है अब जा तू
राजू- अच्छा है जा तो रहा हु आमा चलो भाभी चलते है
ठकुराइन - है तो मैं ये बोल रही थी और तू रंगीली
रंगीली - है बोलिये मालकिन
ठकुराइन - देख अज्ज कमला तो नहीं है तो कमरों की सफाई भी नहीं हो पाई है तो तू एक काम कर तू ऊपर जा और सबसे पहले राजू के कमरे को अच्छे से साफ कर दे फिर बाकि के कमरों को टिक
रंगीली- जी टिक है मालकिन
और रंगीली, राजू, कमाया ऊपर की और चल दिए और इधर ठकुराइन भी सबके साथ बातो मैं लग गई
कमाया के रूम मैं पहुँच कर
राजू- है भाभी बोलो और क्या काम है
कमाया -
हु और क्या काम राज तुमको तो बस गोली hi देनी थी न
राजू- भाभी ये सब दुसरो के लिए जितना मैं आपको जनता हु अप्प किसी एक काम के लिए तो मुझको यहाँ ले कर नहीं आई होगी है न
कमाया (राजू के करीब आकर) - हम्म तो मेरा राज मुझको औरो से ज्यादा समझने लगा है क्यों हूँ तो क्या (और कमाया राजू के करीब जाने लगी)
राजू- भ भ भाभी ये अप्प के कर रही हो प्लीज ऐसा मत करो
देखो कोई आ जायेगा प्लीज
पर सायद कमाया को कुछ सुनाई नहीं दे रहा था या वो कुछ सुनना hi नहीं चाहती थी और वो धीरे धीरे राजू के करीब पांच गई और राजू पीछे दीवाल से जा सत्ता अब राजू पीछे हैट नहीं सजता था और माया पीछे हटना नहीं चाहती थी
Raju(haklate हुए) - भाभी ये ये अप्प क्या करना चाहती हूँ मेरे साथ कही कल की तरह अप्प मुझे फिर से किश
तो और मेरे से फिर से गलती हो जाएगी प्लीज भाभी अप्प रुक
बस राजू इतना hi बोल पाया और कमाया आगे बड़ी और राजू के महू पर अपने हाथ रख लिया और एक कामुक अंदाज मए बोली
कमाया - मरस राज कल रात जो हुआ वो मैं चाहती थी तो आपको ये बिलकुल नहीं लग्न चाहिए की अप्पने कुछ गलत किया मेरे साथ पर (राजू के हटो को फिर से अपनी कमर पर राखी और अपने हाथ को राजू के महू से हटा कर बोली) मैं जो चौ वो करुँगी और अगर आप कुछ करना चाहते है तो मैं नहीं रोकूंगी आपको हूँ
राजू- पर भाभी अप्प जो कर रही हो वो वो गलती है ये टिक नहीं है
कमाया-
क्या गलत है इसमें बोलो हूँ और एक बात ये भूल कर भी मत बोलना की ये हवस है टिक है ये मेरा प्यार है समझे और प्यार कभी गलत नहीं होता है 
राजू - टिक है प्यार गलत नहीं होता है मगर उसको करने वाले तो सही गकत हो सकते है न
कमाया- क्या मतलब है आपका राज
राजू- यही की अप्प एक शादी सुधा औरत है अप्प उस परिवार की बहु हो जिस परिवार ने मुझको जिंदगी दी प्यार दिया परिवार दिया एक घर दिया एक नाम दिया और मैं इन सब को धोखा नहीं दे सकता हूँ अप्प पर सिर्फ विक्रम (कमाया का पति) का हक़ है क्युकी वो आपके पति है
कमाया- अच्छा पति है तुमको पता है पति का क्या मतलब होता है यहाँ आओ
और राजू का हाथ पकड़ कर बीएड पर बैठा दिया और उसके पास बाथ कर राजू के हाथ को पकड़ कर बोली
कमाया- जानते हो राज जब एक लड़की किसी के घर पैदा होती है न राज तो वो अपने माँ बाप पर भरोसा करती है फिर वो जब वो बड़ी हो जाती है न तब उसकी शादी कर जाती है और शादी के समय एक लड़की अपने ससुराल के घर अपने सास ससुर को देख कर नहीं आती बल्कि वो अपने पति पर विश्वास करके आती राज
और कमाया रोने लगी अज्ज राजू ने पहली बार कमाया की आँखों मए आँशु
देखा था और कमाया के आँशु देख पता नहीं क्यों पर राजू को भी अपने दिल मैं बहुत दर्द हुआ
और उसने खुद आगे होकर कमाया को अपने साइन से लगा लिए
राजू ने जैसे hi कमाया को अपने साइन से लगाया वैसे hi कमाया के आँशु और ज्यादा बढ़ गए और वो रट हुए बोली
कमाया- जानते हो राज जब मेरी शादी हुई न तो मेरे माँ पापा मेरा पूरा परिवार बहुत खुश थे बहुत ज्यादा की उनकी बेटी एक बहुत बढे परिवार मैं जा रही है एक बड़े और इज्जतदार परिवार की बहु बनाने वाली है जैसे हर लड़की का एक सपना होता है ुइसा मेरा भी सपना था पर
सायद हर सपना पूरा नहीं जोटा वैसे hi मेरा सपना भी पूरा नहीं हु
राजू- पर क्यों भाभी क्या हुआ है ऐसा अप्प क्या बोल रही हो मुझे सब कुछ जानना है सब कुछ और अप्प पहले रोना बंद कीजिये मैं नहीं चाहता की अप्प की आँखों से आँशु बहे
और राजू ने कमाया के आँखों से बहते हुए आँशु को पॉच लिया और कमाया को पानी पीला कर बोलै
राजू - अब बताओ भाभी मुझे हमेसा लगता था की अप्प कुछ छुपा रही हो सब से पर क्या ये कभी पूछने की हिम्मत hi नहीं हुई अज्ज मैं आपका दर्द जानना चाहता हु बोलो भाभी क्या छुपा रही हो अप्प बोलो
अब तक कमाया बहुत हद तक शांत हो चुकी थी और राजू की बातो ने उसको ये विश्वास दिला दिया की उसने किसी गकत इंसान को नहीं चुना उसने बिलकुल सही इंसान चुना था सायद आज वो समय आ गया था की जब वो अपने दिल के उस दर्द को किसी के साथ बाटने वाली है जिस दर्द को आज तक उसने सबसे छुपा कर रखा था
तो इसकिये....
तो बे कॉन्टिनोएड
( ा बिग ट्रुथ ऑफ़ कमाया लाइफ - 1)
प्रीवियस
राजू- तो बाबूजी इसका मतलब ये हुआ की वो मेका अब इसी सक होगा न
बी ठाकुर - बहुत अच्छा गणित है बीटा राजू पर वो इस साल नहीं बल्कि अगले महीने हेनरी होकि के बाद hi होगा
परिधि -
विणा- बिलकुल भाई अगर हमारी पारी इतना खुश है तो मजा तो आएगा hi
Maya-bilkul टिक बोल रही हो अप्प दीदी पर परिधि मेले के चाकर मए अपनी कॉलेज को मत भूल जबा टिक है
अब जब माया ने भूल मत जाना सुना तो उसको कुछ याद आया की उसने अज्ज के दिल राजू के साथ क्या सोचा था
परिधि - नहीं नहीं कॉलेज तो सुबह होगा न मेका तो रात मए होगा hi hi
तो चलिए सुरु करते है आज का अपडेट
तो जब कमाया को अपनी बात याद आ गई तो उसने सोचा की एक बार फिर से ठकुराइन से बात कर लेनी चाहिए उसको इधर
परिधि - वाओ पापा इसका मतलब है की हम लोग गाओं मए होली मनाए वाले है उसके बाद मेला भी मजा आएगा
राजू - ाःह अरे मजा तो आपको होली और मेले मए आने वाले है और मुझे तो कमाया भाभी के हाथो की मालिश से hi मजा आ रहा वो बहुत hi नरम हाथो बिलकुल बहभी के
और ये बोलते बोलते राजू चुप
Raju(man मए) - अरे यार अच्छा हुआ रुक गया मैं नहीं तो बीटा इतनी मार पड़ती की हॉस्पिटल मए चला जाता है
विणा- और क्या राजू चुप क्यों हो गया क्या नरम नरन हूँ
राजू- कुछ नहीं भाभी वो कल रत की कुछ बाते याद आ गई थी मुझको इसलिए रुक गया
राजू के महू से ये बात सुन कर तो कमाया को वो सीन याद आ गया जब राजू ने अपने मजबूत हाथो से उसकी दोनों सूची को मसल दिया दिया था
कमाया- (मन मए) इसका मतलब राज मेरे बूब्स के बारे मैं बोलने वाले थी मतलब
विणा- तो क्या सोच रहे हो क्या याद आ गया फिर से तुमको
राजू- वो तो मैं कमाया भाभी के दिल की बात कर रहा था की इनका दिल भी कितना नरम है सबके लिए प्यार hi प्यार है
माया (मन मए) - है है क्यों नहीं
तभी ठकुराइन भी पीछे से अंदर की और आ गई और उनको देख
बी ठाकुर - अच्छा दिनु मैं अपने रूम मैं हु तुम सब आ जाओ और माया बहु
माया- जी बाबूजी कहिये कुछ काम था क्या आपको
बी ठाकुर - है बेटी तुम हम तीनो के लिए थाली अंडे hi लगा दो टिक है तुम सब यहाँ आराम से बाते करो क्यों दिनु
ठाकुर - है है बिलकुल भैय्ये क्यों नहीं तो राणा तू भी आ रहा है हमरे साथ या यही पर
डी राणा - अरे क्यों मजाक कर रहा है भाई अब यहाँ साडी औरते और बच्चे है अब यहाँ रह कर मैं क्या करूँगा
देवकी- है भाइये इनको लेके जाओ अप्प यहाँ से वैसे भी इनको हमारी बाते समझा मैं नहीं आती है
डी राणा- है भगवन सदी को 40 साल को गए है अज्ज तक तुम्हारी बातो को समझने की hi किसिस कर रहा हूँ
ठाकुर - अब तुमको का बताये राणा सबके यही हाल बस सालो का अंतर है राजू
राजू- जी बाबूजी
ठाकुर - एक बात हमेसा याद रखना बीटा की कभी भी किसी औरत की एक बात का एक ारत मत समझना समझना
ठकुराइन - अप्प ये राजू को क्या शिखा रहे हो हम और क्या मतलब आपका की औरत की एक की बातो का एक ारत नहीं होता
ठाकुर -
राजू- हूँ पर मुझे लगा अप्प मुझे कुछ समझबा चाहते हो
ठाकुर -
और ठाकुर साहब चकते बने और उसने जाते hi सभी लोग जोर जोर से हसने लगे
देवकी- आवो सन्ति यहाँ आके बाथ जाओ मेरे पास
राजू- अच्छा अम्मा मुझे एक बात तो बताओ जरा
ठकुराइन - है पूछ क्या पूछना है तुझको
राजू- यही की तुम्हारा नाम सच मए सन्ति hi है क्या की किसी ने बस ऐसे hi रख लिए
ठकुराइन -
राजू- वो क्या है आमा जब भी तुमको देझता हु न कभी भी शांत नहीं रहती हो और नाम देखो शांति है hi hi
देवकी (हस्ते हुए) -
और सभी का जोर जोर से हसने लगे
ठकुराइन -
विणा- अरे कुछ नहीं मजी वो राजू बोल रहा थी की उसके कमाया भाभी के हाथ कितने नरम है बिलकुल कमाया के दिल की तरह
ठकुराइन - हूँ ये तो राजू ने बिलकुल सही कहा पर क्यों रे नटखट मेरी तो इतनी साडी बहु है और एक पायरी से बेटी भी क्या तुझको ये सब नहीं दिखती
राजू- अरे अम्मा तुम न बात समझ नहीं पाई अब देखो मैं जब से आया हु कमाया भाभी hi मुझे ज्यादा बास्त करती और सलोनी भाभी ने तो अभी अभी hi बात करना सूरी की है और ये सभी भाभी तो कक hi आई तो पहले मुझे पता तो चलना चाहिए न
कमाया (मन मए) -
राजू- भाभी हो गई क्या मालिश पूरी हूँ
कमाया - है मालिश पूरी हो चुकी है अब मेरे साथचलो ऊपर तुमको गोली भी देनी है न मुझको
माया- अरे कमाया वो बच्चा तोड़ी hi है जो उसको गोली उसजे हाथो मए देनी होगी हूँ वो खुद खा लेगा
कमाया- है पर वो गोलिया मेरे रूम मई है न तो मुझको तो जाना hi पड़ेगा राजू के साथ टिक है मजी मैं आती हुआ अभी और तू माया तू भी जा रसोइए मैं बाबूजी इंतजार कर रहे होंगे खाने का
ठकुराइन - है माया बहु तुम जाओ जल्दी से रसोइए मए और खाने की तैयारी करो टिक है
माया - जी मजी अभी जाती हु मैं
ठकुराइन - और है छोटी बहु तुम जाओ और तू भी जा बदमाश कही का उसे भी अब तुझको सिर्फ कुछ और समय तक गोली कहानी होगी टिक है अब जा तू
राजू- अच्छा है जा तो रहा हु आमा चलो भाभी चलते है
ठकुराइन - है तो मैं ये बोल रही थी और तू रंगीली
रंगीली - है बोलिये मालकिन
ठकुराइन - देख अज्ज कमला तो नहीं है तो कमरों की सफाई भी नहीं हो पाई है तो तू एक काम कर तू ऊपर जा और सबसे पहले राजू के कमरे को अच्छे से साफ कर दे फिर बाकि के कमरों को टिक
रंगीली- जी टिक है मालकिन
और रंगीली, राजू, कमाया ऊपर की और चल दिए और इधर ठकुराइन भी सबके साथ बातो मैं लग गई
कमाया के रूम मैं पहुँच कर
राजू- है भाभी बोलो और क्या काम है
कमाया -
राजू- भाभी ये सब दुसरो के लिए जितना मैं आपको जनता हु अप्प किसी एक काम के लिए तो मुझको यहाँ ले कर नहीं आई होगी है न
कमाया (राजू के करीब आकर) - हम्म तो मेरा राज मुझको औरो से ज्यादा समझने लगा है क्यों हूँ तो क्या (और कमाया राजू के करीब जाने लगी)
राजू- भ भ भाभी ये अप्प के कर रही हो प्लीज ऐसा मत करो
देखो कोई आ जायेगा प्लीज
पर सायद कमाया को कुछ सुनाई नहीं दे रहा था या वो कुछ सुनना hi नहीं चाहती थी और वो धीरे धीरे राजू के करीब पांच गई और राजू पीछे दीवाल से जा सत्ता अब राजू पीछे हैट नहीं सजता था और माया पीछे हटना नहीं चाहती थी
Raju(haklate हुए) - भाभी ये ये अप्प क्या करना चाहती हूँ मेरे साथ कही कल की तरह अप्प मुझे फिर से किश
बस राजू इतना hi बोल पाया और कमाया आगे बड़ी और राजू के महू पर अपने हाथ रख लिया और एक कामुक अंदाज मए बोली
कमाया - मरस राज कल रात जो हुआ वो मैं चाहती थी तो आपको ये बिलकुल नहीं लग्न चाहिए की अप्पने कुछ गलत किया मेरे साथ पर (राजू के हटो को फिर से अपनी कमर पर राखी और अपने हाथ को राजू के महू से हटा कर बोली) मैं जो चौ वो करुँगी और अगर आप कुछ करना चाहते है तो मैं नहीं रोकूंगी आपको हूँ
राजू- पर भाभी अप्प जो कर रही हो वो वो गलती है ये टिक नहीं है
कमाया-
राजू - टिक है प्यार गलत नहीं होता है मगर उसको करने वाले तो सही गकत हो सकते है न
कमाया- क्या मतलब है आपका राज
राजू- यही की अप्प एक शादी सुधा औरत है अप्प उस परिवार की बहु हो जिस परिवार ने मुझको जिंदगी दी प्यार दिया परिवार दिया एक घर दिया एक नाम दिया और मैं इन सब को धोखा नहीं दे सकता हूँ अप्प पर सिर्फ विक्रम (कमाया का पति) का हक़ है क्युकी वो आपके पति है
कमाया- अच्छा पति है तुमको पता है पति का क्या मतलब होता है यहाँ आओ
और राजू का हाथ पकड़ कर बीएड पर बैठा दिया और उसके पास बाथ कर राजू के हाथ को पकड़ कर बोली
कमाया- जानते हो राज जब एक लड़की किसी के घर पैदा होती है न राज तो वो अपने माँ बाप पर भरोसा करती है फिर वो जब वो बड़ी हो जाती है न तब उसकी शादी कर जाती है और शादी के समय एक लड़की अपने ससुराल के घर अपने सास ससुर को देख कर नहीं आती बल्कि वो अपने पति पर विश्वास करके आती राज
और कमाया रोने लगी अज्ज राजू ने पहली बार कमाया की आँखों मए आँशु
राजू ने जैसे hi कमाया को अपने साइन से लगाया वैसे hi कमाया के आँशु और ज्यादा बढ़ गए और वो रट हुए बोली
कमाया- जानते हो राज जब मेरी शादी हुई न तो मेरे माँ पापा मेरा पूरा परिवार बहुत खुश थे बहुत ज्यादा की उनकी बेटी एक बहुत बढे परिवार मैं जा रही है एक बड़े और इज्जतदार परिवार की बहु बनाने वाली है जैसे हर लड़की का एक सपना होता है ुइसा मेरा भी सपना था पर
राजू- पर क्यों भाभी क्या हुआ है ऐसा अप्प क्या बोल रही हो मुझे सब कुछ जानना है सब कुछ और अप्प पहले रोना बंद कीजिये मैं नहीं चाहता की अप्प की आँखों से आँशु बहे
और राजू ने कमाया के आँखों से बहते हुए आँशु को पॉच लिया और कमाया को पानी पीला कर बोलै
राजू - अब बताओ भाभी मुझे हमेसा लगता था की अप्प कुछ छुपा रही हो सब से पर क्या ये कभी पूछने की हिम्मत hi नहीं हुई अज्ज मैं आपका दर्द जानना चाहता हु बोलो भाभी क्या छुपा रही हो अप्प बोलो
अब तक कमाया बहुत हद तक शांत हो चुकी थी और राजू की बातो ने उसको ये विश्वास दिला दिया की उसने किसी गकत इंसान को नहीं चुना उसने बिलकुल सही इंसान चुना था सायद आज वो समय आ गया था की जब वो अपने दिल के उस दर्द को किसी के साथ बाटने वाली है जिस दर्द को आज तक उसने सबसे छुपा कर रखा था
तो इसकिये....