Adultery Raj-- hero of the family - Page 82 - SexBaba
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Adultery Raj-- hero of the family

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अपडेट 236



तू मान्य…

राज सुभे लेट उठा …और टाइम देख जल्दी जल्दी तैयार हुवा और खुद से हे बोलै… “लेट हो गया यार 8.15 हो गए h…itni नींद कैसे agayiii…drink नहीं करनी चाहिए थी मुझे…”

वो जल्दी जल्दी भागते हुवा क्लासरूम तक पंहुचा और जैसे हे अपनी क्लास का दूर ओपन किया तोह सामने प्रिंसिपल और 10-15 गर्ल्स और कल वाला ग्रुप खड़ा बाते कर रहा था…

प्रिंसिपल “ओह्ह आप आगये”

राज “सॉरी फॉर लेट”

प्रिंसिपल “ इतस ok ये सभी लड़किया बॉक्सिंग और रनिंग कम्पटीशन से ह इन्हे स्ट्रेचिंग के टाइम काफी पैन रहता ह क्या आप इनकी हेल्प कर सकते ह ”

राज मन मई “कान्हा फंस गया यार बस यही बाकि था चल बीटा राज अगर वो झाँसी की रनिया ये सुनलेति तोह तू तोह गया था बीटा खैर एक दिन वैसे भी वो तुझे पिटेगी हे तेरी ये साडी कहानी सुनकर ऊपर से सुनील ने झूट बोलकर कुछ जोड़ दिया तब तोह तू गैस खैर तब की तब देखना अभी इनसे निपट फिर कुछ सोचना”

प्रिंसिपल “क्या हुवा कान्हा खो गए”

राज जल्दी se“nothing नथिंग मैं देखता हु कुछ एक्सरसाइज ह जो इनकी काफी हेल्प करेंगी बूत पहले मुझे चेक करना होगा कान्हा पैन ह इसलिए मेरे टच करने से किसी को ऑब्जेक्शन तोह”

प्रिंसिपल “ नहीं ह मैंने सब समझा दिया ह वैसे भी फिजिशियन के पास भी जाती तोह भी वो टच करके हे प्रॉब्लम फंड करता और फिरसोलवे करता न और है अपने जो डिमांड की थी वो सब पूरी कर दी गयी ह आपका क्लास रूम कल तक परफेक्ट हो जायेगा”

राज “ थैंक यू बॉस” फिर प्रिंसिपल के जाने के बाद उसने सब को देखा और फिर कल वाली लड़की को पूछा “जैस्मिन राइट…”

लड़की “यस राज “

“राजज्जजज” बाकि साडी लड़किया हैरानी से उसे अपनी आंखे बड़ी कर तुजुर टुकुर देखने लगी …

राज “ok शो में”

लड़की तुरंत थोड़ा पीछे हुवी और जल्दी जल्दी वो स्टेप्स करने लगी …

राज “इम्प्रेससिवे ….तुमने बहुत अछि प्रैक्टिस की ह” इतना कह वो उसके आगे आया और बोलै मेरे हाथ पर किक करो”

जैस्मिन “ok और फिर अपने लेग को पूरा स्ट्रेच करके ऊपर किया जो उसके खुद के सर से भी ऊपर गया और उसने राज की हथेली पर टच करने की कोसिस करि पर कामयाब नहीं हो payi…”aisa उसने कई बार कोसिस की पर टच नहीं कर पायी…

राज “ ok अब नई मोमेंट ह निचे बैठो और फिर जोर से ऊपर की तरफ जम्प करो कल मेरी हथेली पर किक टच होनी चाहिए ह कैसे ये तुम्हे सोचना ह ये हुवा पहला टास्क तुम्हारा अब सेकंड टास्क …जम्प के साथ राइट लेग किक फिर लेफ्ट लेग जम्प के साथ मेरे फेस जितनी हिघ्त वाली जगह पर सामने मरने ह …और प्रैक्टिस टाइम शामे ह जब जब लास्ट लिमिट पहुंच जाओ तब रूक जाना”

जैस्मिन बात सुनने के बाद बोली “ये पॉसिबल ह”

राज सीरियस एक्सप्रेशन के sath“pata ह जैस्मिन इस दुनिया मई ऊपर वाले का मिलना हे इम्पॉसिबल ह बाकी सब पॉसिबल ह” इतना कह वो दीवार की तरफ भगा और एक दो फिर तीन बार अपने पेअर को दीवार पर टिकाये और एक जम्प लगा कर राउंड घूमते हुवे ऊपर लगे बल्ब पर किक जड़ दी …और बस निचे खड़े सरे जानो के मू खुले के खुले रह गए ….

जैस्मिन के साथ वाली लड़की जिसने नंबर दिए थे वो बोली “ओह माय गॉड सुपर हीरो”

दूसरा लड़का “बी गॉड काम से 12 फ़ीट हिघ्त होगी”

जैस्मिन “ मोरे थें 12 फ़ीट”

सब जैस्मिन की बात सून और हैरान हो gaye….kyoki आज तक ये सब उन्होंने मूवीज मई हे देख था….

राज वापस आकर “जैस्मिन कुछ भी इम्पॉसिबल नहीं ह और तुम्हे प्रूफ करने के चक्कर मई कॉलेज का नुक्सान कर दिया ह अब तुम्हे हे ये चेंज करना होगा है पैमेंट मैं कर दूंगा….”

जैस्मिन को शर्म आगयी “नहीं ये हम कर देंगे…”

राज “ok अब तुम वंहा पीछे प्रैक्टिस कर सकती हो या घर पर जो तुम्हे तीख लगे वैसे अभी मेरी क्लासेज नहीं चल रही ह तोह तुम यही करो प्रैक्टिस तोह मच बटेर रगेगा मैं ऑब्सेर्वे करता रहूँगा”

जैस्मिन डोबबले खुस हो गयी और बोली “मई यही करुँगी और फिर लग गयी प्रैक्टिस मई अर्रंगेमेन्ट्स करने के बाद ”

राज लड़को की तरफ देख कर और तुम सब चलो जाओ अभी गर्ल्स टाइम h….phir बाकि की लड़कियों की तरफ मूड कर अब आप सब बताईये ओने बी ओने”

एक लड़की सर मैं बॉक्सिंग मई हु

राज “फर्स्ट ऑफ़ आल सिर्फ राज no फॉर्मलिटीज ok”

सब ok

राज “है अब बोलो”

लड़की “ मेरे शोल्डर मई पैन होता ह जब भी स्ट्रेचिंग करती हु और अभी तीन दिन से जायदा होने लगा ह मम ने कहा एक बार आपको चेक करवा दू फिर डॉ को चेक करवा दू”

राज “टीटमेंट लिया”

लड़की “है और रिपोर्ट्स नार्मल ह”

राज ok यंहा बैठो और ऊपर का जैकेट उतर दो …”

लड़की ने ऊपर का जैकेट उतरा तोह पतली सी टी शर्ट पहन राखी थी जो उसकी ब्रैस्ट से चिपकी हुवी थी राज सीधा पीछे की तरफ आया ह और उसके शोल्डर्स पर अपनी एक ऊँगली से मरने laga..kisi को कुछ समाज नहीं पर अचानक हे लड़की की आह्हः निकल गयी राज आगे की तरफ ऊँगली मरता रहा …पर पैन नहीं हुवी ..इसने फिर कई जगह मारा और लड़की ने दो बार जोर से अह्ह्ह्हह की आवाज निकली

राज “ने टेबल मंगवाई और उस पर बैठने को कहा और दोनों हाथ सर के पीछे करने को कहा …लड़की ने वैसा हे किया फिर राज ने सपने दोनों हाथ उसके हाथो मई से निकल कर कमर को पकड़ा और बस साडी लड़कियों के दिल की धड़कन तेज़हो gayi…kyoki टी शर्ट ऊपर होने के बाद राज का हाथ डायरेक्ट नंगी कमर को पकड़े हुवा था कुछ तोह रोमांचित हो गयी की उन्हें भी ऐसे हे चुवा जायेगा और कुछ ने तोह अपनी प्रॉब्लम को एक से दो करलिया… और बची कसार राज के बाइसेप्स और ट्राइसेप्स ने कर दिया था….

फिर राज ने उसे पीछे झुखाया और लड़की की पीठ से कही काटके निकले फिर राज ने उसके हाथ को अलग अलग तरीके से मूव किया और कुछ पल बाद जब राज ने दुबारा वंहा ऊँगली मरी तोह पैन गायब हो चूका था लड़की खुसी से झूम गयी…

लड़की “थैंक यू सो मच राज”

राज “स्ट्रेचिंग किया करो कम्पलीट”

ऐसे हे एक जिसने आलरेडी टाइट टोपर और जीन्स पहनी हुवी थी वो बोली “ मैं स्विमिंग मई हु बूत पीठ मई काफी बार दिवे करते समय पैन होता ह”

राज ने उसे उल्टा लेटाया तोह उसकी नागि गोरी कमर राज के सामने थोड़ी सी agayi…sath हे जीन्स मई उसकी परफेक्ट हिप्स का गोल शेप भी सामने आया राज ने उसकी कमर पर अपना हाथ रखा तोह बाकि लड़किया ऐसे हिली जैसे उनके बदन पर राज का हाथ टच हुवा हो …और उन्सब्कि सांसे ऊपर निचे हो gayiii….raj …जायदा प्रैक्टिस के कारन ह सायद दर्द ह फिर भी एक्सरसाइज बताता हु ये करना इतना कह उसने लड़की को सिद्धकिया और पेअर घुटनो से पेअर मोड़कर फोल्ड कर दिए और बोलै एक बार राइट और एकबार लेफ्ट दिन मई 10 बार करना ह ा बहुत जल्दी रिलीफ मिल जायेगा और मसल्स को रेस्ट दो “

लड़की “जी”

ऐसे हे उसने दूसरी की बॉडी को स्ट्रेच किया और लड़किया आहे भर्ती रही और जिस जिस का नंबर अत जाता वो राज के टच के बाद सीधा वाशरूम की तरफ जल्दी से निकल जाती ..

और वो सब जब बहार वाशरूम से आयी तब जो शर्मीली लड़की थी थी वो बोल नहीं पायी और जिनके बॉयफ्रेंड थे वो बस आहे भरकर boli…yaar क्या मरदाना टच था जब मेरी पीठ को स्ट्रेच किया तब उसकी सांसो की गर्माहट ऐसा अहसास मुझे तोह अपने बॉयफ्रेंड के साथ भी फील नहीं हुवा …मन कर रहा था बस ऐसे हे वो मुझे टच करता रहे”

दूसरी बोली “यार मेरे तोह निचे थाइज़ पर इसके टच से बहुत कुछ हो गया”

सब हहहहह

तीसरी ““हहह क्या सबकी ऐसी हे हालत थी अब तोह रोज हे जाना पडेगास ोच रही हु एक दो दिन बाद पापा मुंय जाने वाले ह घर हे बुला लू फिटनेस के हिसाब से काफी स्टैमिना होगा डोबबले फी पाय कर दूंगी”

और उसकी बात सून सब हंस पड़ी ..

इधर राज दोपहर का लांच करने जाने लगा तोह जैस्मिन आगयी …सामने और बोली “लांच के लिए जा रहे ह”

राज “हां”

जैस्मिन मैं भी वंही जा रही साथ चले

राज “बिलकुल चलो”

जैस्मिन “आप यंहा कॉलेज मई हे रुके हुवे ह”

राज “अभी 2 दिन हे तोह हुवे ह प्रिंसिपल मम ने कम्पटीशन ह जब तक कॉलेज मई रूकने को हे कहा ह क्योकि स्टूडेंट इवनिंग तक होंगे”

जैस्मिन “है और अब अपने जो आज ट्रेलर दिया ह अब स्टूडेंट्स की लाइन लग जाएगी क्योकि आपकी फैन फोल्लोविंग बढ़ने वाली ह स्पेशलय गर्ल्स की”

राज “अरे नहीं मैं ऐसे हे तीख हु वैसे मुझे कुछ स्ट्रेचेबल ड्रेसेस लेनी ह यंहा आसपास कोई मॉल ह”

जैस्मिन ने काउंटर से खनन लिया और खाने को लेकर टेबल पर बैठती हुवी “ह न बहुत अचे मॉल ह आप मेरे साथ चल सकते ह अगर एक्टिवा पर लड़की के साथ बैठने मई दिकत न हो”

राज “मुझे कोई दिकत नहीं तुम्हारे पापा ने देख लिया तोह तुम्हे जरूर दिकत हो जाएगी”

जैस्मिन “डोंट वोर्री मुझे कोई दिकत नहीं होगी”

राज अभी कुछ और बोलता तभी बाकि लड़किया और आगयी और टेबल पर साथ बैठने लगी और ये सब देख जैस्मिन मुस्कारने लगी और राज उसका मतलब समाज गया ..

प्रिंसिपल ऑफिस “कहो खबरि लाल क्या खबर ह”

खबरि लाल “आज की ताज़ा खबर तोह यही ह मम की राज सर हीरो बना गए ह और स्टूडेंड्स मतलब फीमेल स्टूडेंट्स उनके चारो तरफ तितली की तरह मंडरा रही ह” ये सुनते हे प्रिंसिपल प्रीती ने काम छोड़ दिया और खबरि लाल की तरफ देख कर बोली “और राज सर का क्या रिएक्शन ह”

खबरीलाल “वो नार्मल मस्त ह और सबको नोर्मल्ली हे ट्रीट कर रहे ह और है मम एक खास न्यूज़ मैंने सुना ह की इस बार फिर ड्रग्स कॉलेज मई लेन की कोसिस ह”

ये सून प्रिंसिपल प्रीती सीरियस हो गयी …और बोली “तीख ह तुम जा सकते हो और राज सर को बोलना मुझसे आकर मिले”

खबरीलाल “कॉलेज तोह ऑफ हो गया ह न मम”

प्रिंसिपल प्रीती “ रहने दो मैं खुद मिल लुंगी” और खबरि लाल के जाते हे उसने एक कॉल लगाया और बोली “सर इस बार भी अगर आप सक्सेस नहीं हुवे तोह बहुत नुक्सान होगा स्टूडेंट्स के फुटरे का”

सामने से “डोंट वोर्री मम मेरी बेटी जैस्मिन खुद नज़र रख रही ह और वो अब कुछ दिन हॉस्टल मई हे रुकेगी उसके रुकने का आप कर देना बस”

प्रिंसिपल “ok sir…mana उसे मार्टिकल आर्ट्स एते ह पर ऐसे खतरे मई डालना”.

सामने से “ वो पुलिस अफसर बनना चाहती ह इसलिए अभी से उसे सीखना होगा मम आप टेंशन मत लीजिये मैं भी तैयार हु और मेरे कांस्टेबल कॉलेज के पास हे रहेंगे रास्त को सिविल ड्रेस मई”

प्रिंसिपल प्रीती “ी होप इस बार आप सही हो” और कॉल कट होते हे उसने वाईस प्रिंसिपल को बुलाया…

वाईस प्रिंसिपल एते हे “ अपने बुलाया मैडम”

प्रिंसिपल प्रीती “ बैठिये भावेश जी कैसी चल रही ह तयारी टेंट वाटर सप्लाई म्यूजिक सिस्टम …गेस्ट इन्विताशंस”

भावेश “सब सही चल रहा ह दूर वालो को इनविटेशन भेज दिए ह और टेंट म्यूजिक सबको एडवांस भी दे दिया ह सब टाइम से आजायेगा”

प्रिंसिपल प्रीती “गुड और सिक्योरिटी के लिए पुलिस स्टेशन मई एप्लीकेशन”

भावेश “वो भेजी नहीं ह अभी मैं जल्दी हे कमिश्नर ऑफिस और पुलिस स्टेशन दोनों जगह भिजवा दूंगा”

प्रिंसिपल प्रीती “तीख ह आप जा सकते”

भावेश नीची गर्दन कर काम करती हुवी प्रीती को एक बार देखा और फिर पूछा “कोई प्रॉब्लम ह मम”

प्रिंसिपल प्रीती “नहीं सब तीख ह”

भावेश बहार आकर “ धीरे से कल की आयी मुझे sikhayegi…bhavesh नाम ह मेरा …” इतना कह वो मुस्कुराता हुवा निकल गया तोह ..

प्रिंसिपल प्रीती “ कभी कभी इस पर भी डाउट होता ह”

प्रीती ने टाइम देखा तोह 3.30पं हो गए the…wo उठी और गेस्ट हाउस की तरफ चल दी ..और फिर राज के गेस्ट रूम के पास आकर गेट नॉक किया…

राज “खुला ह ाजाओ”

और प्रीती ने जैसे हे दूर ओपन किया राज ने सिर्फ लोअर पहन राखी thi…aur उसकी बैक प्रीती की तरफ थी…

प्रीती के वर्ड्स उसके गले मई हे रह गए और वो बस उसकी बैक को देखने लगी

राज बिना देखे हे “खबरि लाल प्रिंसिपल मम से कहकर इस धोभी से तोह छुटकारा दिलवा दे यार दूसरा दिन ह हर बार लेट करता और तुम्हे देने आना पड़ता ह”

पीछे से कोई रिप्लाई न अत देख वो पलटा और उसके मू के सब्द मू मई हे रहगये तोह प्रीती की आँखों के सामने राज के 8 पैक्स एबीएस आगये और उसकी नज़र बस उसकी बॉडी से हटी हे नहीं ये पहली बार था उसका जब उसने इतनी परफेक्ट बॉडी अपने सामने देखि थी…..

राज “ आप और जल्दी से टी शर्ट उठाकर पहनने लगा”

अब प्रीती को भी होश आया तोह वो इधर उधर देखने लगी…

प्रीती “क्या हुवा धोबी को”

राज “कुछ नहीं वो ाक्टुअलय मैं जल्द बाज़ी मई आया था तोह कुछ हे ड्रेस लाया था इसलिए सोचा था यंहा आकर ले लिंगा पर टाइम नहीं मिला इसलिए आज हे बहार जा रहा था पर्चेसिंग के लिए ….और मुझे लगा खबरि लाल आया होगा ड्रेस लेकर”

प्रीती मुस्कुराते हुवे “तोह सीधे मुझे कहते तोह मैं मन कर देती”

राज शरमाते हुवे प्लीज “ वो मैं आप कड़ी क्यों ह प्लीज बैठिये “

प्रीती “तोह ये बात ह”

राज “इतस ok मैं नई ड्रेस परचेस कर लूंगा स्टूडेंट को कह दिया हेल्प के लिए”

प्रीती “ ओह्ह”

राज “आप किसी काम से आयी थी”

प्रीती “नहीं ऐसे हे आयी थी …आप रेस्ट karo”.aur इतना कह वो उठकर चलदी और राज उसे जाता देख समाज गया की कुछ तोह बात ह जो कहना चाहती थी पर कह नहीं पायी…

शामको राज ग्राउंड मई सबको प्रैक्टिस मई ऑब्सेर्वे करने के बाद कुछ दिएर कुछ थेलेट्स को मोटीवेट किया और पूम्पुप का हाई दोसे देने के बाद बहार की तरफ चल दिया जंहा जैस्मिन कुछ दूर हाथ मई हेलमेट लिए इंतज़ार कर रही थी…

राज हेलमेट पहनकर एक्टिवा पर बैठ कर पकड़ने की जगह ढूंढने लगा..

जैस्मिन शीशे मई देख कर “आप मुझे पकड़ सकते ह मैं काट टी नहीं हु”

राज “ओह्ह मुझे तोह लगा काट टी हो आखिर पापा पुलिस मई जो ह मुझे दर लगता ह”

जैस्मिन खिल खिलाकर हंस पड़ी और boli“nice जोके आप फनी भी हो”

राज “अभी तुम कुछ भी नहीं जानती हो मेरे बारे मई मैं क्या क्या हु और सच कहु ी म वैरी डेंजरस पर्सन …ी म किलर”

जैस्मिन एक्टिवा चलते हुवे “ऊऊह्ह्ह मैं तोह दर गयी मेरा किडनैप तोह नहीं करोगे न आप”

राज “सोचा तोह ह”

जैस्मिन “ ये तोह गड़बड़ हो गयी …मतलब फिरौती और फिर रपे …अब मेरा क्या hoga…aur फॉर योर काइंड इनफार्मेशन मेरे पापा के पास ईमानदारी के सिवाए कुछ नहीं ह पैसा नहीं मिलेगा …मतलब फिर मई मर जाउंगी”.

राज “हम्म फिर प्लान कैंसिल मोती पार्टी देखनी padegi…kidnaping के लिए”

और दोनों जोर से हंस पड़े और शॉपिंग मॉल मई ऐसे हे बाते करते हुवे पहुंच गए जैस्मिन बजट “कोई इशू नहीं ह”.

जैस्मिन “तब तोह फिर मैं भी लुंगी”

राज “ओह मतलब मुझसे फिरौती सर्विस की”

जैस्मिन हंसती हुवी “यस मेरी सर्विस महंगी ह”

राज “फिर तोह धयान रखना पड़ेगा”

जैस्मिन “वो तोह ह चलिए उस शॉप पर सभी ब्रांड्स मिल जाते ह”

राज ने शॉप मई एंटर करते हे जीन्स ट्राउज़र्स शर्ट्स और टी शर्ट परचेस करने सुरु कर दिए और पर डे के अकॉर्डिंग और इवनिंग के अकॉर्डिंग ड्रेस कुछ हे दिएर मई ले ली”

और जैस्मिन ने राज की हेल्प करि थी तोह राज ने भी दो ड्रेस जैस्मिन के लिए सेलेक्ट कर्ली

राज “ इन्हे तरय करो”

जैस्मिन “मैं मज़ाक कर रही थी…”

राज “ मुझे न नहीं सुन्नी h…aur 2 ड्रेस तुम्हारे लिए इसीलिए सेलेक्ट की क्योकि ये तुम्हारी हेल्प करेंगे कल तुम्हे स्ट्रेचिंग की एक्सरसाइज बताऊंगा तब और उसमे नार्मल ड्रेस समाज रही हो न जैसी आज पहन राखी थी उसमे स्ट्रेचिंग के टाइम”

जैस्मिन को शर्म आगयी…

राज “चलो पहन कर चेक करो”

जैस्मिन झिझकी फिर चेंजिंग रूम मई चली गयी और अंदर ड्रेस को देखस तोह उसे और शर्म आगयी ….क्योकि स्पोर्ट्स ब्रा से लेकर निचे के लिए और टी शर्ट उस पर उसका जैकेट सब थे उसमे....”

उसने अपने कपडे उतरे और जैसे हे सामने देखा तोह बुरी तरह शर्मा गयी क्योकि पंतय के सिवाए कुछ नहीं पहना था और चारो तरफ से खुद को नंगी देख रही thi…usne जल्दी से स्पोर्ट्स ड्रेस पहनी और बहार आयी तोह राज ने शूज सेलेक्ट कर रखे थे उसके लिए …

राज “कैसा फील कर रही हो फीलिंग कम्फर्टेबले”

जैस्मिन और शर्मगाई उसका चेहरा और लाल हो गया क्योकि पहली बार किसी लड़के ने उसके लिए ड्रेस परचेस करि थी पर फिर भी वो नीची गर्दन करके खुदको देखते हुवे बोली “है कम्फर्टेबले ह”

राज “कम्पलीट स्ट्रेच करो इतना की स्ट्रेंचिंग पूरी चेक हो जाये और ये शूज पहनो ये जायदा कम्फर्टेबले ह…”

जैस्मिन ने ऊपर का जैकेट उतरा ा तोह उसकी बॉडी शेप क्लियर दिखने लगा उसने स्ट्रेंचिंग करि तोह राज उसे ऊपर से निचे तक देखने लगा और राज को ऐसा करते देख वो और शर्माने lagi…phir राज बोलै “परफेक्ट…. सब तीख ह चले”

और जैस्मिन बेचारी शर्म से पानी पानी हो चुकी थी इतनी की उसने ड्रेस भी चेंज नहीं की और वही ड्रेस पहने राखी …दोनों काउंटर पर पहुंचे तोह

काउंटर बॉय - सर आफ्टर डिस्काउंट 185060 रस

राज ने अपना कार्ड निकला और उसे दे दिया …

जैस्मिन “ बहुत कॉस्टली ह”

राज “ तोह कभी ट्रीट दे देना”

जैस्मिन “डिनर”

राज “ ओह्ह डिनर अगर खुद बनाओगी तोह जरूर …जस्ट किडिंग ok दोने बूत अस सिंपल मुझे घरका खाना हे पसंद ह”

जैस्मिन भी मुस्करा उठी

तभी राज को कुछ दिखाई दिया और वो बोलै तुम घर जाओ मुझे कुछ अर्जेंट काम ह”

जैस्मिन “ पर मैं छोड़ दूंगी”

राज “घर जाओ jasmin”itna कह उसने तुरंत शो रूम वाले को तवो थाउजेंड रस दिए और कॉलेज तक डिलीवर करने का कह दिया जैस्मिन को समाज नहीं आया

राज का अचानक बदला हुवा मूड देख कर और वो बस राज को जाता देख कंफ्यूज हो गयी इधर Raj…order देकर खुद निकल पड़ा …बहार की तरफ जंहा प्रिंसिपल प्रीती के पीछे दो जाने उसका पीछा करते हुवे चल रहे थे ..

राज “ये यंहा क्या कर रही ह और ये इनका पीछा क्यों कर रहे ह”

सामने प्रीती एक प्रिंटेड सूट पहने हुवे एक शोरूम मई घुस गयी …और वंहा से उसने दो ड्रेस सेलेक्ट करि”

और फिर बहार चल दी बहार पीछा कर रहे दोनों जानो ने फ़ोन पर कुछ कहा और फिर से प्रीती के पीछे चल दिए …प्रीती वंहा से निचे बेसमेंट पार्किंग की तरफ gayiii…aur वो भी पीछे चल दिए …वंही प्रीती ने अपनी कार को अनलॉक किया और सामान बैक सीट पर दोनों ड्रेस rakhi…picha कर रहे दोनों आदमियों ने एक दूसरे को इशारा किया और प्रीती की तरफ चल दिए ….पर तभी पीछे से दो हाथ ए और दोनों के सर को आपस मई टकरा दिया बेसमेंट मई आवाज हुवी तोह प्रीती ने पीछे मुड़कर देखा पर कोई नहीं dikha….usne चारो तरफ नज़र दौड़ाई और जब कुछ नहीं दिखा तोह अपनी कार लेकर निकल गयी इधर राज ने कार के जाते हे दोनों की पॉकेट चेक करि तोह एक कार की के मिली उसने बटन प्रेस किया तोह कार अनलॉक हो gayiii…aur वो दोनों को घसीट कर उस तरफ चल diya…..aur फिर दोनों को कार के पीछे दिग्गी मई डाला और कार को लेकर बहार की तरफ चल दिया …और जब उसे एक जगह मिली तोह उसने दिग्गी खोल दोनों को निकला और मू पर पानी मार के जगाया…

पर लातो के बहुत लातो से हे मानते ह…

उठते हे एक बोल पड़ा “कौन ह बे tu”aur पड़ा एक पंच उसके मू पर और दुबारा बेहोश हो गया …

राज “सवाल मेरे और तुमदोनो फ्री अब तू जावा देगा जो पूछूंगा”

आदमी ghabrakar“ok”

राज “मॉल मई क्या कर रहे थे”

आदमी “छोटे मोठे चोर ह भाई हम तोह”

उसने इतने हे बोलै था की एक कान के निचे पड़ा और उसकी दुनिया धुंदली हो गयी और जब दुनिया सही हुवी तोह वो एक मिनट भी नहीं रूका और बोलै “हमे तोह बस उसका पीछा करना था और उसे घायल करना था ताकि वो कॉलेज के प्रोग्राम वाले टाइम लीव पर रहे”

राज “और ये सब कैसे करते तुम लोग”

आदमी “वो वो वो”

राज ने उठाया तोह

आदमी बताता हु भाई “वो हम चोरी दीखते और सर फोड़ देते बस इतना हे की जान से नहीं मरते बस उसको”

ये सून राज बोलै “सर फोड़ देते ताकि मरे nahi…kaise ऐसे इतना कह उसने एक थपड और मारा जिसके प्रेशर से वो भिड़ा कार के साइड मई और बेहोश हो गया राज ने उसे कार मई डाला और कार को लेकर एक शॉप पर रूका और कैमरा ेट्स चेक करने के बाद शॉप से कुछ सामान लिया और फिर दूर लेजाकर कार को छोड़ कर चल दिया और दूर जाने से पहले लास्ट डायल नंबर्स आदमियों के मोबाइल से अपने मोबाइल मई सेव कर लिए …..

राज ने कुछ दूर आकर एक ऑटो लिया और कॉलेज पहुंच gaya…janha गॉर्ड पुलिस कांस्टेबल के साथ खड़ा था कांस्टेबल ने ईद चेक करि और जाने दिया…

राज ने अंदर आकर अपना लैपटॉप ों किया और पासवर्ड टाइप किये और एक सॉफ्टवेयर ओपन किया और वो नंबर जो दोनों के मोबाइल से लिए थे वंहा पर डेल और उसका नाम और लोकेशन दिखने लगा जिसे उसने नोट कर लिया यही उसने बाकिनूम्बेर्स के साथ भी किया और उसने टाइम देखा तोह ये सब करते हुवे 10.30 बज गए थे ..

राज “सुनील ने इसीलिए हे मुझे कहा था की एक बार खुद से करके देख बहुत कुछ सिखने को मिलेगा और सही भी ह वैसे अकेले वर्क करना काफी लम्बा पद जाता ह पर सेफ ह और वैसे भी आगे मुझे अकेले हे काम करना होगा क्योकि इस बार का सबक मई ले चूका हु अब फॅमिली इन्वॉल्व नहीं कोई लूपहोल नहीं यंहा से मुझे यकीं बहुत बड़ी लीड मिलेगी …मैं नहीं चाहता की एक गलती से सब बिगड़ जाये ………ओह्ह तेरी लेट हो गए चल बीटा राज मेष बंद हो गया तोह भूखा रहना पड़ेगा”

राज जल्दी से वंहा पंहुचा तोह मेष वाकई क्लोजिंग पर हे tha…Usne जल्दी से प्लेट उठायी और खाना ले लिया वंहा अब सिर्फ गिने चुने स्टूडेंट हे थे सुर बाकि मेष का स्टाफ खाना खा रहा था…

उसने नज़र घुमा कर सबको देखा …और जल्दी जल्दी अपना खाना फिनिश किया और बहार आगया और वाकिंग करने लगा …कुछ दूर उसे गर्ल्स हॉस्टल की वार्डन दिख गयी

राज “आप लेट तक काम कर रही ह”

वार्डन “ अरे औ तोह नए राज सर h…kya करू लड़किया ह धयान रखना पड़ता ह …और ऊपर से आजकल की लड़किया कान्हा समझती ह की खुद के लिए क्या ाचा ह और क्या बुरा इसलिए जब तक मैं उन्हें सेफ रख सकती हु कोसिस करती हु फिर चाहे वो पीठ पीछे मुझे गालिया हे क्यों न दे”

राज “पता ह आप जैसी जिम्मेदार गौरडिअन हो तोह फिर हर माँ बाप सुकून से घर सो सकते ह”

वार्डन “थैंक यू सर पर आप इतनी लेट”

राज “मैंने खाना खाकर आया था तोह सोचा थोड़ा घूम हे लू”

वार्डन “कफ लेंगे”

राज “पर मेष तोह बंद हो गया ह न”

वरदान “हॉस्टल के ग्राउंड फ्लोर पर ऑफिस मेरे ऑफिस मई”

राज “पर इस टाइम गर्ल्स हॉस्टल आपको प्रॉब्लम होगी”

वार्डन “सर 15 साल से इस कॉलेज मई वार्डन हु आज तक एक भी शिकायत का मौका नहीं दिया ह आपको क्या लगता ह”

राज “तोह फिर चलिए …” रस्ते मई चलते हुवे वो बोलै “तोह आप दिन और रात यही रहती ह फॅमिली घर”

वार्डन “पति दारू पिता था मर गया और एक बीटा और बेटी ह बेटे की शादी करदी उसके लिए अब उसकी बीवी हे सबकुछ ह तोह उस साई उम्मीद नहीं रही mujhe…aur एक बेटी ह वो दिल्ली जॉब करती ह सिंघानिया ग्रुप मई बस उसी की चिंता रहती ह नयी नयी जॉब लगी ह”

राज ने सिंघानिया ग्रुप नाम सुना तोह मुस्कुरा उठा “ और पूछा क्या नाम ह उसका”

वार्डन “संजू”

राज “ओह्ह्ह वैसे …सिंघानिया ग्रुप अछि कंपनी ह”

वार्डन और वो ऑफिस की तरफ बढे तोह कुछ लड़किया जो बहार हॉस्टल गर्दन मई टहल रही थी वो वार्डन को हैरानी के साथ देखनी लगी और उनकी फुसफसाहट सूरी हो गयी..

“अरे ये वार्डन के साथ टीचर राज ह ये यंहा कैसे”

“अरे वो वो छोड़ मैं तोह ये सोच रही हु की लड़कियों के सिवये रात को 9 बजे के बाद एंट्री बंद ह तोह ये कैसे”

इधर राज और हॉस्टल मई बने ऑफिस की तरफ चलते हुवे “ आप टेंशन मत लीजिये सब ाचा हे होगा”

वार्डन “बस सर बेटी का सहारा ह किसी तरह वो सेट हो जाये अभी नयी नयी जोइनिंग हुवी ह कई बार दुखी होकर कॉल करती ह जॉब से परेशां होकर मैं उसे हीमत देती हु तोह रूक जाती ह फिर सोचती हु यही बुला लू”

ये सून राज की भोंहे सिकुड़ गयी “आप पूरी बात बताईये”

वार्डन “ वो अकेली रहती ह तोह स्ट्रगल करना हे पड़ता ह ऊपर से लड़की ह तोह आपको पता हे ह ..पर धीरे धीरे ऑफिस मई एडजस्ट कर रही ह”

राज उसे कॉल लगाइये

वार्डन “पर आप क्या कर पाएंगे सर कंही उसे जायदा प्रॉब्लम न हो जाये”

राज “आप कॉल तोह लगाइये”

और वार्डन ने कुछ पल रूक कर कॉल लगा दिया

सामने से “हां माँ”

वार्डन “क्या कर रही ह”

सामने से संजू “माँ ऑफिस का प्रोजेक्ट ह उसे हे चेक कर रही हु मैं रखती हु कल कॉल करुँगी ये काम नहीं हुवा तोह वो मैनेजर फिर जान खायेगा”

वार्डन कुछ बोलती उसे पहले हे राज ने मोबाइल ले लियस और बोलै “ संजू तुम्हारे सीईओ कौन ह”

संजू “आप कौन”

राज “जो पूछा ह पहले उसका जवाब दो”

संजू “अभी कोई नहीं ह बस कभी कभी कटान सिंघनिया सर एते ह”

राज “और तुम्हारी रियल प्रॉब्लम क्या ह मुझे खुल कर बताओ”

संजू “पर आप”

राज “मैं जो भी हु बस ये समझलो तुम्हारी प्रॉब्लम का सलूशन हु”

संजू “प्लीज माँ को मत बताना”

राज “ok ”

संजू ने साडी बात डिटेल मई बता दी ..

राज “ ok “

संजू कुछ बोल पति उसे पहले हे राज ने कॉल कट कर दिया और अपने पॉकेट से मोबाइल निकला और कॉल मिला दिया इतनी लेट राज का कॉल देख सुनील उठ गया और बोलै क्या बात ह ”

राज “तू सिंघानिया ग्रुप नहीं संभालता ह अब”

सुनील चौंका फिर बोलै “लम्बी कहानी ह बाद मई बताऊंगा तू बोल क्या बात ह”

राज “तू कब जा रहा ह”

सुनील कल दोपहर को”

Raj”Ek काम कर कल तू सिंघानिया ग्रुप मई जायेगा”

सुनील “नहीं “

राज “क्या बात ह तू कुछ छिपा रहा ह क्या मुझसे”

सुनील “कुछ खास नहीं”

राज “तोह तू कल जायेगा और संजू नाम की लड़की ह उसकी हेल्प करेगा समझा वो भी जाकर मोबाइल से नहीं “

सुनील ने ok बोल दिया क्योकि वो कुछ और बोलता तोह राज को साडी बात बतानी पड़ती की पीछे क्या क्या हुवा h…aur जो वो अभी बताना नहीं चाहता था इसलिए उसने अभी यही कहा की जो हुकुम तेरा मेरे बाप”

कॉल कट करते हे उसने वार्डन की तरफ देखा तोह वो बस हैरानी से उसे हे देख रही थी…

वार्डन “आप कौन ह”

राज “वो मेरा दोस्त ह”

वार्डन “राज सर मेरी उम्र 50 के पास ह और जिसका दोस्त इतनी बड़ी कंपनी का सीईओ हो वो 50000 हजार की जॉब नहीं करेगा आप ट्रस्ट कर सकते ह मुज पर”

राज “सबके कुछ राज होते ह बस इतना समाज लीजिये मैं बुरा इंसान नहीं हु”

वरदान “ये तोह मैं समाज चुकी हु और लड़कियों ने भी बताया ह की आप अचे हो”

राज “तोह मैं चलता हु कल सुभे हे आपकी बेटी का कॉल आजायेगा आपके पास अब आपको उसकी एक परसेंट भी टेंशन नहीं लेनी ह मैं चलता हु 11.30 हो गए ह”

वार्डन कुढ़ राज को बहार छोड़ने आयी राज के जाने के बाद उसकी आँखों मई ख़ुशी के आंसू आगये थे…

नेक्स्ट डे मॉर्निंग…

सिंघनिया ग्रुप के मीटिंग रूममे …कप्तान सिंघानिया मीटिंग ले रहे the…sabi हेड्स डिफरेंट ज़ोन्स के चेयर्स पर बैठे हुवे थे…

और करीब पिछले एक घंटे से मीटिंग चल रही थी …

सारा स्टाफ काम पर लगा हुवा था तभी कंपनी बिल्डिंग की एंट्रेंस से सुनील ऑफिस मई एंटर हुवा और गॉर्ड ने जोर से सलूट ठोका …और सुनील ने मुस्करा कहा गुड मॉर्निंग kaka…aur सीधा निकल gaya..piche गॉर्ड कुड़से हे बोलै “सुनील बाबू आज भी वैसे हे ह सबको अपना समझते ह”

इधर सुनील लिफ्ट से ऑफिस वाले फ्लोर पर एंटर हुवा और एक पल बाद मई हे सबकी नज़र सुनील की तरफ चली गयी …. और गॉसिप्स तोह होनी हे थी आखिर दो साल बाद जो वो एंटर हुवा था …वो सीधा हर ऑफिस की तरफ जाने लगा तोह सब की नज़र काम छोड़ उसकी तरफ हे thi…kuch पल बाद वो हर ऑफिस मई मैं हर हेड के रूम मई एंटर हुवा हर हेड की हालत टाइट हो गयी और वो जल्दी से कड़ी होकर “सर आप”

सुनील “बे कम्फर्टेबले …मुझे ये बताये क्या संजू नाम से जुनागरघ ंप से कोई एम्प्लोयी ह”

हर हेड “एक मिनट सर” और उसने जल्दी से अपने लैपटॉप मई एम्प्लोयी डिटेल निकली और फोटो दिखते हुवे बोली “

यस सर प्रोजेक्ट डिपार्टमेंट मई ज्वाइन किया ह ये देखिये ”

सुनील “और वंहा प्रोजेक्ट हेड कौन ह”

हर हेड anshii“sinha सर ह”

सुनील “वो कान्हा ह”

हर हेड anshii“aj मीटिंग ह वंही ह”

सुनील “ मीटिंग कौन ले रहा ह”

हर हेड “कप्तान सर ले रहे ह”

सुनील “ok थैंक यू”

इतना कह वो ऑफिस से बहार चला गया तोह हर हेड अंशी सीधी जल्दी जड़ली मीटिंग रूम की तरफ गयी ..और दूर ओपन कर “ सर”

कप्तान सिंघानिया “अंशी क्या हुवा ह और तुम्हारी सांसे क्यों फुल रही ह तुम तीख हो”

हर हेड अंशी “ वो सर वो सुनील सर ए ह”

कप्तान “क्या सुनील आया ह कान्हा ह वो”

हर हेड “वो प्रोजेक्ट डिपार्टमेंट की तरफ गए ह”

कप्तान “बाकि मीटिंग कल hogi”itna कह कप्तान जल्दी से लिफ्ट का उसे किये बिना हे प्रोजेक्ट डिपार्टमेंट की तरफ जाने लगे …

इधर सुनील प्रोजेक्ट डिपार्टमेंट मई पंहुचा और चारो तरफ नज़र घुमाकर सीधा उसकी नज़र गयी संजू की तरफ गयी और वो उसकी तरफ चल दिया …और उसे डिपार्टमेंट मई देख सब खड़े होते गए पर संजू काम मई इतनी बिजी थी की उसने अपने ओपन केबिन मई लैपटॉप से गर्दन उठाकर तक नहीं dekha…aur जब उसे अपना नाम सुनाई दिया तब जाकर होश आया और वो हड़बड़ा कर उठ गयी

सुनील “संजू फ्रॉम जूनागढ़ राइट”

संजू “यस”

सुनील फिर गुसाई से “हु इस मैनेजर”

और बस केबिन से एक 30 की आगे का लड़का बहार आया …

सुनील “के हेरे”

और बस मैनेजर को दर लगने लगा…

सुनील “जो प्रॉब्लम हो क्लियर बोलना और प्रूफ हो तोह देना और किसी से भी प्रॉब्लम हो तोह भी बोलना बिना डरे मैं तुम्हारे साथ हु”

संजू” सर”

सुनील ने संजू का हाथ पकड़ा और kaha“tumhara भाई तुम्हारे साथ खड़ा ह बोलो”

और संजू के आंसू निकल पड़े उसने “अपना मोबाइल निकल कर सुनील को दिखा दिया”

सुनील ने वत्स उप खोला और पढ़कर फिर मैनेजर की तरफ देखा जो अब दर से काँप रहा था…

संजू “ ये तोह नार्मल ह इसे पता ह की मैं अकेली रहती हु और जॉब के लिए सतुरगल कर रही हु इसलिए इसने प्रेशर बनाया और मैं तब भी नहीं टूटी तोह” फिर एकलड़की की तरफ इशारा करके इसकी हेल्प से मेरी साडी वीकनेस प्रॉब्लम जान ली और मुझे थ्रेट्स देने लगा की तुम्हे फायर कर दूंगा ब्लैकलिस्ट करवा दूंगा सिन्हा सर का मैं खास हु”

सुनील ने उस लड़की की तरफ देखा और बोलै “तुम जैसी लड़कियों से मुझे सख्त नफरत ह और ब्लैक लिस्ट क्या होता ह ये मैं बताता हु और ब्लैक मेलिंग वो भी मेरी कंपनी मई ट्रस्ट में तुम दोनों की वो हालत करूँगा की तुम दोनों पछतावगे की क्यों किया तुमने ये ….और तू इधर आ तू खास ह सिन्हा सर का …तेरे जैसे की हकीकत उन्हें पता हो न वो तुझे चपरासी न रखे…” और फिर पॉकेट से मोबाइल निकलकर “hello बड़े पापा अपने एक लेडी अफसर और एक गेट्स अफसर को सिंघानिया ऑफिस मई भेज दीजिये”

जोगिन्दर सिंह “ तीख ह पुत्र अभी भेजता हु”

ये सुनते हे वो फीमेल एम्प्लोयी और मैनेजर रोने लगे और माफ़ी मांगने लगे

सुनील “एक बात दोनों खुद जा कर एक्सेप्ट कर लेना वर्ण इसके बाद तुम्हारी फॅमिली को भी कम्पलीट डिस्ट्रॉय कर दूंगा और मैं ये डेफिनिटेली कर सकता हु”

पीछे खड़े कप्तान सिंह ये सब सून और देख रहे थे और उनके चारे पर इमोशनल भाव the…jo एक बाप के अपने बेटे को जिम्मेदारी उठते देखते वक़्त होते ह

सुनील “कोई भी ऐसा दुबारा करता दिखा तोह याद रखना आज जो हुवा उसके साथ उसे भी बुरा होगा …हम एक फॅमिली ह सपोर्ट करो और जिसे लगता ह की सिर्फ मैं हे हु वो मुझे याद कर लेना की उसके ऊपर मैं hu”phir संजू की तरफ देख कर “ अब तुम्हे कोई तकलीफ नहीं होगी और है दुबारा …कोई दिकत हो तो सिन्हा सर को कहना बस उस खड़ूस को नहीं” ये सब उसने धीरे से कहा था और जाने के लिए जैसे हे मुदा सामने कप्तान सिंह को देख कर रूक गैस …थोड़ा हैरान हुवा फिर खुद को संभल कर उनके पाँव चुवे और साइड से जाने लगा तोह कप्तान सिंघानिया ने पीछे से उसके कंधे पर हाथ रख कर रोक लिया ..और बोले “अभी भी नाराज ह हमसे”

सुनील ने खुद के इमोशंस को कब्बू किया और बोलै “नहीं पापा बस खुद से नाराज हु न ाचा बीटा बन पाया न ाचा भाई और न ाचा दोस्त …”

कप्तान “तुम्हारी गलती नहीं थी जी हुवा उसमे”

सुनील “ये बात उसे कैसे समझाऊंगा …उसने मुझपर अपने आप से जायदा भरोसा किया था papa…kya कहूंगा उस साई जब वो आएगा की सब मेरी वजह से huva…bharosa तोडा ह मैंने papa….kaise समझोंग ….क्या कहूंगा की मैंने फॅमिली के रिश्तो मई आकर डिसिशन नहीं ले पाया और सब होने दिया मुझे आपसे कोई शिकायत नहीं ह पापा आप सब सही हो बस मैं हे गलत हु “

ये कह कर वो जल्दी से निकल गया और कप्तान सिंघानिया उसे जाता देखते रह गए उनके पास सब्द तक नहीं थे सुनील को रोकने के लिए सुनील चला गया और ख़ामोशी पसर गयी ऑफिस मई पर अबकी बार गरजती हुवी आवाज निकली कप्तान की जो बता रही थी की वो कितने गुसाई मई the…wo बोले “सरे मैनेजर्स हर डिपार्टमेंट के छोटे बड़े सब कॉन्फ्रेंस हॉल मई एक ऑवर मई और जो दूर ह उन्हें कॉन्फ्रेंस मई लो एक भी नहीं मिस होना चाहिए सिर्फ इमरजेंसी सिचुएशन वालो को छोड़कर “

सरे हेड्स “यस सर”

कप्तान संजू से तुम मेरे साथ ऑफिस औ

संजू को साथ लेकर कप्तान अपने ऑफिस मई निकल गए

पीछे 5 मिनट मई हे आल इंडिया सिंघानिया ग्रुप मई हड़कंम्प मच गया …सरे मैनेजर्स की फटी हुवी थी और हर डिपार्टमेंट की हेड अंशी भी कप्तान के साथ रूम मई thi…wo भी बेचारी बुरी तरह दरी हुवी ठु

कप्तान “ संजू तुम सुनील को कैसे जानती हो”

संजू “मममैंनं” और फिर संजू ने साडी बात बता डीई..

साडी बाते सुनने के बाद कप्तान कौन हो सकता ह जिसकी वजह से सुनील सीधा ऑफिस आगया और अचानक उनकी आंखे चमक उठी और बोले .. “ वो जिन्दा ह मेरा शेर बीटा जिन्दा ह अब सब तीख हो जायेगा”

अपने कंपनी के ओनर को इतना खुस होते देख दोनों की दिल धड़कन तेज़ी से धड़कने लगी थी..

कप्तान “अंशी वेलफेयर एम्प्लोयी डिपार्टमेंट बनाओ और उसे लीड तुम करोगी जब तक संजू तैयार नहीं हो जाती ह ..और सभी ऑफिस हर एम्प्लोयी के पास संजू के ऑफिस नंबर होने चाहिए”

संजू “सर मैं”.

कप्तान “ जायदा मत सोचो तुम्हारी वजह से मेरे दोनों शेर बेटे मिल गए ह और आज लांच मई स्पेशल बनाने को कहो और संजू याद रहे किसी भी एम्प्लोयी का कोई भी एक्सप्लोइटेशन नहीं कर पाए अंडरस्टुड”

संजू “जी सर”

दोनों अपनी हे सोच मई चली गयी ..

पीछे कप्तान “अभी मुझे ये बात छिपा कर रखनी होगी कल बात करता हु सुनील से अभी बात करूँगा तोह गुसा हो जायेगा”

जूनागढ़….

राज जैस्मिन के लेग्स को स्ट्रेच करते हुवे “ स्तूपित लड़की बोलै था न की पैन हो तोह स्टॉप कर देना अब देखो मसल्स कितनी टाइट हो राखी ह”

पर जैस्मिन तोह राज के टच से किसी और हे दुनिया मई थी और हम्म्म हूँ मई जवाब दे रही थी…”

बाकि पास कड़ी दूसरी स्पोर्ट्स की लड़किया अपनी टैंगो को सिकोड़ और हाथो की उंगलियों को दूसरी ऊँगली फंसा कर अपनी हे सोच मई थी…

और सबको स्ट्रेच और समझने के बाद काफी सरे स्ट्रेंचिंग के प्रॉपर तरीके बताये और बस बैठा हे था की प्रिंसिपल आगयी…

राज “जी बॉस”

प्रिंसिपल “ लगता ह गर्ल्स को काफी पसंद आरहे हो”.

राज “बॉयज भी एते ह बूत वो सब आफ्टरनून या ेवनंग मई एते ह क्योकि इन्हे पता होता ह की अभी गर्ल्स उन्हें मौका हे नहीं देंगी वैसे एक बात पुछु”

प्रिंसिपल “हां”

राज “क्या किसी से आपकी कोई प्रॉब्लम ह क्या अप्प समाज रही ह न मैं क्या कहना चाहता हु”

प्रिंसिपल “ नाहीइ पर क्यों”

राज “बस ऐसे हे पूछ लिया मतलब कल नाईट मई पुलिस की डूएटी थी और पुलिस व्हीकल भी खड़े the..aur दिन मई आप कांस्टेबल ासे बात कर रही थी”

प्रीती “मेरे ऑफिस मई चलो”

राज प्रीती के साथ चल दिया पर बहार 2 आंखे प्रिंसिपल प्रीती को तीख देख कर गुसाई से जल रही थी …और उसने काफी बार एक नंबर डायल किया पर स्विच ऑफ स्विच ऑफ बताता रहा नंबर…

आज के किये इतना हे मस्ती मई पढ़ने का और बिंदास लाइक्स और रेवोएस पेलने का…

 
नव वर्ष की बहुत बहुत शुभकामनाये ...ऊपर वाला आपके सभी सपनो को पूरा kare...aur ये वराह आपके और आपके परिवार के लिए ढेरो खुशिया लाये...

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अपडेट Today...between 3 तो 4 पं

नाईट हंटर
 
अपडेट 237

नाईट हंटर

राज “ये तोह बहुत टिपिकल सिचुएशन ह बॉस आपको कमिश्नर ऑफिस तक कंप्लेंट करनी चाहिए”

प्रीती “हम्म पता नहीं राज कौन कौन मिले हुवे ह इस काम मई”

राज “ओह्ह तोह आप मुझसे क्या चाहती ह ..क्योकि ये काम तोह पुलिस का हे ह न आप और मैं जाकर लड़ तोह नहीं सकते ह न उनसे और इसमे जान को बहुत खतरा भी ह”

प्रीती “मानती हु मैं raj…main सिर्फ ये चाहती हु की तुम निगरानी रखो कुछ भी सस्पीशियस हो तोह मुझे बताना मैं बस रिक्वेस्ट कर रही hu..i क्नोव तुम नई हो बूत मेरा मन कहता ह की तुम पर ट्रस्ट कर सकती हु”

राज “पर मम….” फिर उसने प्रीती की तरफ देखा और बोलै ok बॉस जो आप चाहे पर एक बात पहले हे कह दू आपको अबू मेरी शादी भी नहीं हुवी हौर अपने इस जान को खतरों का खिलाडी बनाने की सोच li…aj के बाद दो रूल फॉलो करने पड़ेंगे”

ये सून कर प्रीती के चेहरे पर मुस्कान आगयी और बोली “सीरियसली यू डोंट हैवे गफ”

राज “आपको लगता ह मेरी गफ होती तोह मैं दिन रात कॉलेज मई लगा नहीं रहता न ये देखिये मेरा मोबाइल का कॉल लोग आज के दिन मई एक भी कॉल नहीं ह”

प्रीती ने कॉल लोग देखा तोह वो हैरान रह गयी …और बोली “सीरियसली राज…”

राज “इसीलिए हे बोलै बस मरवा मत देना वर्ण भूत बनकर आपके पीछे पड़ा रहूँगा”

प्रीती खिलखिलाती huvi“ok बाबा प्रॉमिस कुंवारा नहीं मरने दूंगी अब तोह khus…waise मुझे यकीन नहीं हो रहा की तुम्हारी गफ नहीं ह”

राज अजीब सा फेस बनाकर “ बॉस आपके दिमाग मई क्या चल रहा h..mujhe लगता ह मुझे चलना चाहिए वर्ण आप फिर मेरे लिए कोई नयी प्लानिंग कर डौगी ” फिर दूर के पास रूक kar…”boss आप भी खुद को सेफ रखिये और नज़र चारो तरफ रखिये मुझसे जायदा तोह आप पर खतरा लगता h…aur मैं नहीं चाहता मेरी ब्यूटीफुल बॉस को कुछ हो”

राज के जाते हे प्रिंसिपल प्रीती के चेहरे पर भी मुस्कराहट रह रहकर आरही थी और वो खुदसे हे boli“ye राज भी न बहुत फनी ह पर ट्रस्टबल ह और गफ नहीं ह अब तक इसकी रियली”

इधर राज बहार आकर “चल भाई राज अब दूसरी तरफ भी अब नेहा की बरी ह और उसने कॉल लगा दिया…

नेहा “hello”.

राज “hello मिस नेहा काम हुवा ”

नेहा नार्मल होकर “ अगर मेरी बहन की तुम्हारी जो नोन ह उस तक तुम्हारी ब्लैक मेलिंग वाली हरकत पहुंची तोह कैसा लगेगा तुम्हे”

राज “ओह्ह्ह सोच तोह जबरदस्त ह वैसे पता ह नेहा मुझे धमकी देने वाले बिलकुल पसंद नहीं ह ….तुम चाहो तोह कोसिस कर सकती हो पर अंजाम भुगतने के लिए भी तैयार भी रहना”

नेहा को अंदाज़ा लग गया की ये डरने वाला नहीं ह… तोह वो बोली “अभी स्पोर्ट्स इवेंट्स ह फिर तुम्हे लिस्ट दे दूंगी”

राज “तुमने पार्टिसिपेट किया ह”

नेहा “ तुम्हे क्या करना ह”

राज “ नथिंग पर मेरी नज़र तुम पर ह जब पार्टिसिपेट नहीं किया ह तोह टाइम ह तुम्हारे पास

” तभी राज को नेहा दिखाई भी दे gayi…uske पस्क हाडा फुस्पेंद्र उसे िस्दार उधर छू कर परेशां कर रहा था…

नेहा कॉल कट करते हे “अबे क्या कर रहा ह”

फुस्पेंद्र” तू एक बात बता मैं तेरा हु क्या अगर कुछ नहीं तोह फिर मैं जाता हु”

नेहा “ अरे रूक न यार दिमाग ख़राब ह पहले ये बता तूने इस नंबर का पता लगाया क्या साला सब कुछ जनता ह मेरे बारे मई कभी कभी लगता ह जैसे मुझे देख रहा ह पहले इसका कुछ कर”

फुस्पेंद्र “कल तक रिप्लाई आजायेगा की कौन ह जिसको नंबर दिया ह वो बिजी ह”

नेहा “उसके गाल को किश करती हुवी ok बेबी थैंक यू”

फुस्पेंद्र “तेरा कुछ समाज नहीं अत ह चल आज मस्त माल लाया हु फुक्ने के लिए एक दम कड़क दो कास मई हे जन्नत दिखेगी”

नेहा “चल तोह”

राज दूर से “ये काम नहीं आएगी ये तोह खुद मुसीबत मई फंसेगी … कोई न खबरि लाल ह न”

वो पलटा तोह पीछे किसी से टकरा गया…

राज “सॉरी” पर उसने सामने देखा तोह ब्लू रंग की साड़ी मई बेहद खूबसूरत बाला कड़ी थी…

वो “इतस ok मैंने हे धयान नहीं दिया था”

राज “ओह आपके पेपर्स मैं उठा देता हु” और वो निचे गिरे सभी पेपर को कलेक्ट करने लगा तोह…

वो फीमेल “आप राज ह न मैं आपके पास हे आरही थी”

राज “ हां”

वो “hi माय सेल्फ निशा मैं डांस टीचर हु और साथ हे इंग्लिश टीचर भी”

राज पेपर देते हुवे “ नीस तो मीट यू मम”

निशा “ जस्ट कॉल में निशा मैं आपके पास हे आरही थी प्रिंसिपल मम ने मुझे कहा था की आप स्पोर्ट्स इवेंट्स के सीओ ऑर्डिनेटर ह तोह मैं आपके साथ मिलकर ाररंगमेंट देखु अल”

राज “वेल ये तोह गलत हुवा अब वर्क से जायदा तोह आपके फंस से बचना पड़ेगा आपके पास मुझे देख कंही मुझे पीटने न अजय”

निशा मुस्कराने लगी “ मतलब सब सही कहती ह”

राज “क्या सही कहती ह”

निशा “की आप मिनट्स मई किसी को भी मुस्कुरा देते ह”

राज “वेल तारीफ के लिए sukriya…but अब मैं भी स्ट्रेस फ्री रहूँगा ”

निशा “वो कैसे”

राज “अब आप जो रहेंगी साथ आपकी मुस्कुराकहत किसी को भी स्ट्रेस फ्री रखने के लिए बहुत ह”

निशा “फ्लिर्टिंग ी म मैरिड मर राज”

राज “ओह ये टूटने की आवाजे क्यों आरही ह”

निशा “कान्हा आरही ह”

राज अपने दिल की तरफ इशारा करके “यंहा से”

अब निशा और खिलखिलाकर हंस पड़ी …

राज “किसी ने कहा ह कोसिस करती रहनी चाहिए ह कभी हर नहीं माननी चाहिए ह”

निशा “क्या हमेशा ऐसे हे रहते ह आप”

राज “निशा जी इतनी सी जिंदगी ह जी भरकर जीनी चाहिए ह जो ाचा लगे वो karo..apni ख़वीशो को पूरा करे जो हांसे उसके साथ हांसे जो दुखी हो उसके ढक मई शामिल हो…”

निशा “सुपर मतलब तारीफे आपकी ऐसे हे नहीं कर रही थी लड़किया”

राज “चले मिस निशा”

निशा “मिस मैं मरस हु”

राज “मेरे लिए मिस हे हो मैंने अभी हार नहीं मणि ह” ये कह वो मुस्कारने लगा तोह ..निशा भी मुस्कुरा उठी उसे राज की बाते उसका हंसी मज़ाक पसंद aya….dono कॉलेज ऑफ होने तक साडी डिटेल्स लेते और हेल्प करते रहे …

निशा “आप कान्हा रहते ह”

राज “मैं जो याद करे उसके दिल मई वर्ण फ़िलहाल कॉलेज गेस्ट हाउस मई…. वैसे मिस नेहा आपको लेट नहीं हो रही ह क्या 4 बज गए ह”

निशा “ओह मुझे कंही नहीं जाना ह हस्बैंड टूर पर इसलिए टाइम का कोई इशू नहीं ह”

राज “ok …ये तोह गलत किया बेचारे ने इतनी ब्यूटीफुल लड़की को अकेला छोड़कर”

निशा “लड़कीय “ फिर मुस्कराकर “आप फिर मज़ाक करने लगे”

राज “सीरियसली वैसे नहीं करता तोह दिन भर बोर हो जाती आप और मेरे साथ बोर होना बिलकुल पसंद नहीं ह मुझे….”

निशा “ी म इम्प्रेस्सेड मर राज ”


तभी सामने से वाईस प्रिंसिपल आगया…

दोनों “गुड इवनिंग सर”

Bhavesh“good evening…good evening…kaisa ह सब गुड ह न निशा जी”

निशा “ सर पिछले साल की तरह हे ह बेस्ट …और आपके रहते कुछ गलत हो सकता ह क्या”

भावेश “थैंक यू थैंक यू निशा जी आईये मुझे आपसे कुछ जरुरी डिस्कशन करना ह ”

निशा “सर ये मर राज ह”

भावेश “जनता हु …अब चले निशा जी अभी जरुरी बात करनी ह”

राज “जाईये निशा जी …बहुत जरुरी काम ह सर को …कंही नहीं हुवा तोह गड़बड़ न हो जाये और हम दोनों तोह यही हे ह ”

राज की लास्ट बात से महेश ने राज को देखा और निशा के साथ चला गया तभी जैस्मिन एंड ग्रुप आगया….

लड़का “सर वाईस प्रिंसिपल भावेश दिए हार्ट लवर ह निशा मम के पूरा कॉलेज जनता ह”

Jasmin”apke साथ निशा मम को बात करते देख जल गए होंगे ”

राज उसके सर पर तबली मार कर “ अपना धयान स्टडी पर रखो सामजी और तुम सब और खासकर जिसने अभी बोलै था उस लड़के की तरफ तुम यंहा औ”

लड़का “जी”

राज “क्या नाम ह तुम्हारा”

लड़का “आशीष”

राज “तू इनसब लड़कियों के साथ रह कर लड़की हे मत बन जाना चुगलखोर”

आशीष “सर”

राज “और क्या कुछ हेल्थ बना स्मार्ट बन तब कोई गफ बनेगी समझा वर्ण ये तुझे ये साडी कच्चा चबा जाएँगी”

आशीष “जी सर”

तभी ग्रुप की साडी लड़किया “सर ये ऐसे हे तीख ह हमारा बेबी और उसके गाल पर किश करने लगी”

तभी वो बॉक्सिंग वाली लड़की आते जास्मी को दिख गयी

जैस्मिन “लो राज शालिनी आगयी इसकी शकल साफ़ बता रही इसे आप पर क्रश हो गया ह और अब इसे कंही और पैन हो रहा ह ये यही बोलने वाली ह आखिर आपके करीब आने का मौका जो मिलेगस”

राज “बहुत सरत सूझ रही ह”

जैस्मिन “देख लेना इसके एक्सप्रेशन साफ़ बता रहे ह मुझे लगता ह जल्द हे ये आपको बोल भी देगी ी लव यू…”

शालिनी “Hi राज”

राज “शालिनी अब कैसी ह तबियत”

शालिनी अपना नाम सून कर खुश हो गयी “ अब अछि हु सर फिर अपने लेग की तरफ इशारा करके याना मसल्स मई स्टिफनेस फील हो रही ह यंहा निचे से पैन ऊपर की तरफ अपनी थिएस की तरफ िशारके यंहा तक अत ह और जिसकी वजह से पीछे कमर मई भी हल्का सा पैन रहता ह”

राज “ok तुम 6 बजे जाने से पहले क्लास रूम मई मिल लेना ok”

शालिनी “ok राज मैं इंतज़ार करुँगी”

शालिनी के जाते हे जैस्मिन “जाओ आपकी गफ बनने को तैयार ह”

राज जैस्मिन को देखकर धीरे से मैं तोह तुम्हे बनाऊंगा” और बस जैस्मिन की हवईया उड़ गयी उसके दिल मई तितलियाँ उड़ने lagi…raj आगे बोलै “पागल लड़की उल्टा सोचने लगी …फोकस फोकस फोकस”

राज कुछ और बोलता उसे पहले हे वार्डन agayiii…wo हाथ जोड़ने हे वाली थी की राज ने न मई गर्दन हिला दी ….

राज “ कैसी ह आप सब सही हो गया”

वार्डन भवूक होकर “ राज सर भगवन देखा नहीं था वो देख लिया इसलिए खुद पर काबू नहीं रख पायी”

राज “तोह उनका पता सीक्रेट रखेगी न आप”

वार्डन “मरते दम तक और कभी जरुरत पड़ी तोह पीछे भी नहीं हटूंगी”

राज “तोह कॉफ़ी शामे टाइम”

वार्डन “जरूर sir”itna कह वो चली गयी और सब राज की तरफ मू फाडे देखने लगे ….

Ashish“parbhu प्रभु आप इस धरती पर कौन हो जो जालिम वार्डन किसी की नहीं सुनती ह किसी से प्यार के दो बोल नहीं बोलती ह वो आपसे प्यार से बात कर gayi…aur लड़किया तीन दिन मई आपकी फैन हो गयी ….दुनिया की सबसे खड़ूस वरदान आप पर प्यार भरसा रही ह सखीर प्रभु आप कौन ह कान्हा से ए हो कोई जादुई ताकत तोह नहीं ह आप मई”

राज उसके गले मई हाथ डालकर “नौटंकी …. वो बहुत नेक दिल ह और उनके साथ प्यार से पेश औ वो तुमसे अचे से बेहवे karengi…wo स्टूडेंट्स को अपने बचो की तरह मानती ह अब कोई माँ अपने बचो को बिगड़ने कैसे देगी इसीलिए वो दन्त टी ह और जैस्मिन ग्रुप के मू से निकला “ओह्ह्ह्ह तोह ये बात ह”

राज “चलो तुम लोग घर जाओ या बाते करो “मैं इवनिंग ड्रेस पहन कर अत हु कॉलेज ऑफ हो गया ह ok…

लड़किया एक साथ “हॉट वाली पहनना बॉडी शोडय दिखनी चाहिए”

राज “अरे….” इतना कह वो निकलगया और वार्डन वाली बात राज ने जो कही थी वो जैस्मिन एंड ग्रुप ने अपने कॉलेज कम्युनिटी ग्रुप मई फैला दी और चाँद मिनट्स मई ये बात साडी जगह फ़ैल गयी और फिर क्या हर कोई जंहा भी वार्डन दिखती सब रेस्पेक्ट देते हुवे उसे विश करने लगे …और वार्डन भी प्यार से रिप्लाई karti…par उसे समाज नहीं ारः था की आखिर ये हो क्या रहा ह…

शाम के वक़्त हल्का अँधेरा होने पर राज धीरे से कॉलेज के बहार की तरफ नज़र बचते हुवे निकल पड़ा …पर वो अभी कुछ कदम हे बढ़ा होगा की “राज सर तैयार होकर कान्हा जा रहे ह”

राज अपने पीछे मीठी सी आवाज सुनकर चिंका पर तुरंत उसे पता लग गया की ये आवाज किसकी ह और वो bola“benstokes” फिर पलटकर “निशा जी आप…”

निशा “अपने जवाब नहीं दिया”

Raj“City घूमने की सोच रहा हु”

निशा “रात को और अकेले अकेले जायेंगे मैं भी बहार हे जा रही थी …घर से कुछ सामान लेन… फिर मैं आपको घुमा दूंगी कुछ दिएर”

राज पीछा छुड़ाने के बहाने से “निशा जी आप क्यों परेशां हो रही ह एक्चुअली मैं तोह पब जा रहा था पार्टी करने और वंहा आप जैसी खूबसूरत लड़की नहीं जाएगी न…”

निशा “ओह पब वो भी अकेले”

राज “है अब गफ तोह नहीं ह” उसने सोचा की अब पीछा छोड़ देगी पर ये उस पर हे भरी पद गया

निशा “चलो मैं चलती हु ..मैं भी जा नहीं पति हु हस्बैंड बिजी हे रहते ह कभी टाइम मिलता ह तोह भी सिर्फ ऑफिसियल पार्टी मई हे जा पति हु पब बहुत टाइम हो गया ह गए हुवे”

राज मन मई चिल्लाने लगा फिर प्यार se“R ु सूरे मेरे साथ पब मई”

निशा “आपको दर पग रहा ह”

राज “नौपे”

निशा चलिए पार्किंग मई कार कड़ी ह”

और दोनों को साथ देख कर दूर कड़ी जैस्मिन के मिले झूले भाव थे तोह पार्किंग से घर की तरफ जा रही शालिनी भी जलसे जल रही thi…toh और भी कई साडी आंखे दोनों को घूर रही थी…

वो दोनों बहार निकले तोह एक कार उनके पीछे लग गयी…

कार के अंदर निशा राज से…

निशा “आपकी गफ नहीं ह”

राज “नहीं निशा ji….waise भी आजकल की गफ से ाचा ह एक ऐसी लवर हो जो कुछ पल प्यार kare..pabandiya न लगाए खुद चैन से जिए और दूसरे को जीने दे और फिर खुद अलग होकर शांति से जिए और मुझे कोई फरक नहीं पड़ता की वो ुनमर्रिएद हो या फिर मैरिड हे क्यों न ho…meri सोच सिंपल ह जिओ और जीने दो प्यार से रहो खुद खुस रहो और अपने पार्टनर को भी खुस रहने दो न की उसे कण्ट्रोल करो....

और बस इसी सोच से सिंगल हु पर ऐसी कोई मिली तोह तीख नहीं मिली तोह तीख वर्ण अपन सिंगल हे खुस ह”

निशा जो अब तक सब सून रही थी वो बोली “वो राज आपकी क्या सोच h….kaas आप पहले ..मिले होते… तोह मैं बन जाती”

राज “अभी दिएर हो गयी ह क्या”

निशा मुस्कराने लगी और बोली मैरिड हु”

राज “मैंने क्या बोलै था मैरिड हो या उन मैरिड कोई फरक नहीं padta…farak पड़ता ह बस खुस रहने चाहिए जब तक साथ ह…”

निशा “राज को देखने लगी”

राज “सामने देखो वर्ण एक्सीडेंट हो जायेगा और अभी मेरे आपके साथ मरने का इरादा नहीं ह”

निशा हड़बड़ाकर सामने देखने लगी पर उसके दिल मई बहुत कुछ चल रहा था और वो बोली “ चलो पहले पार्टी करते ह तुम्हे यंहा के सबसे फेमस पब ले चलती हु”

राज “मिस निशा सिंगल हु पब फेमस ह तोह पता लगा मेरे महीनो की सैलरी चली गयी… आपके हस्बैंड तोह बड़ी कंपनी मई ह आपका चल जायेगा पर मुज गरीब का क्या होगा”

निशा खिलखिलाती हुवी “ओह माय गॉड राज यू अरे सो फनी …ok ok पार्टी मैं दे दूंगी…. बूत मैंने सुना ह आप की स्ट्रेचिंग सबसे बेस्ट ह”

राज बिना टाइम वास्ते kiye“ok दोने पार्टी हे मेरी फीस होगी“

निशा “मैरिड हु”

राज “डोंट worry…main एडवांटेज नहीं lunga…waise मैं झूट बहुत बोलता हु”

निशा मुस्कुराती हुवी “ सच मई लो आगये”

राज निचे उतरा तोह सामने का माहौल दिल्ली के फेमस पब्स जैसा tha…mahngi कार्स कड़ी thi…aur एक के बाद एक लड़के लड़किया बड़ी उम्र के आदमी भी जवान लड़कियों के साथ अंदर जा रहे थे…

राज “वो निशा जी क्या पब ह लगता ह आपके हस्बैंड बहुत रिच ह”

निशा “ह तोह सही …एक्चुअली कॉलेज तोह बस घर पर अकेली रहती हु इसलिए ज्वाइन कर रखा ह चले अंदर अब या साडी बाते यही करोगे”

और राज है मई गर्दन हिलाकर अंदर चल दिया..

निशा ने पर्स से कार्ड निकला और जिस पर पब के मेंबर की सील बानी हुवी थी …निशा अंदर ले जाती हुवी “ ऊपर सरे बिज़नेस में और बड़े बड़े लोग भरे रहते ह जंहा अचे बुरे दोनों तरह के लोग बैठते ह ी मैं बोरिंग माहौल होगा”

राज चारो तरफ देख कर आप यंग एंड ब्यूटीफुल ह आपको यंग आगे के फ्लोर पर जाना चाहिए …

निशा के चेहरे पर तारीफ सून मुस्कराहट agyi…aur बोली “ ok तोह चलो मेरे साथ” और फिर उसे लेकर एक जगह आकर बैठ गयी जंहा लड़के लड़किया डांस पर थिरक रहे थे तोह कुछ बैठे फ्रेंड्स और गफ बर्फ के साथ ड्रिंक कर रहे थे…

निशा “क्या पियोगे”

राज “जो कॉकटेल बेस्ट हो”

निशा “कॉकटेल सच मई फिर ोकककक निशा ने अपने लिए वोडका और राज के लिए कॉकटेल आर्डर कर दिया..

एक

दो

तीन

चार

और पांचवे राउंड के बाद ..

निशा झूमती हुवी.. “अरे एक डांस के लिए हे तोह कह रही हु के ों”

राज “आपको चढ़ गयी ह”

निशा “इतनी भी नहीं छड़ी ह”

राज “उठिये हमे चलना चाहिए निशा जी बहुत टाइम हो गया ह”

निशा मस्ती मई “यार तुम कहते हो पार्टी करनी ह और जब मूड बनता ह तब तुम ऐसा कर रहे हो …ok चलो कॉलेज चलते ह”

राज “पर आपको घर पर काम था”

निशा “है चलो “और इतना कहते हे वो कड़ी हुवी तोह लड़खड़ायी…

राज ने उसकी कमर से पकड़कर थमा लिया“ मन किया था न कॉकटेल के लिए आपके लिए वोडका हे तीख थी न”

निशा उसकी तरफ मुस्कुराती हु i“i म फाइन …ी m…fine… आप ह न मेरे साथ ”

राज उसकी नौटंकी देख मन मई “ ये आज काण्ड करवाएगी कण्ट्रोल राज ” इतना कह उसने निशा को सहर दिया और बहार की तरफ ले जाने लगा तोह हील्स मई उसका पेअर मूड गया और दर्द से कराहहह उठी…

राज “ क्या हुवा”

निशा पेअर मई दर्द हो रहा ह…

राज मन मई “अब क्या करू …chod..bhul जा तू यंहा अकेला ह उठा ले इसे कोई नहीं देखेगा तुझे”

इतना कह उसने निशा को गोदी मई उठा लिया ….और बहार की तरफ चल दिया उसकी बांहो मई निशा उसे हे नशे मई निहारी जा रही थी…

राज “ऐसे क्यों देख रही हो रपे तोह नहीं करोगी”

निशा “गफ नहीं ह वर्जिन भी हो नुक्सान क्या ह कर लेना चाहिए”

राज “आपकी इस हालत से आप एक कदम चल नहीं सकती हो और मेरा रपे करोगी”

निशा नशे मई मुस्कुराती हुवी” Raj..rape करने मई चलना कब होता h”aur जोर से हंसपदी ये सून राज की बोलती बंद हो गयी…

राज कॉलेज मई पंहुचा तोह साइड मई निशा सो चुकी thi…gaurd राज को देख कर अंदर जाने दिया…

मॉर्निंग …

निशा… उठी तोह उसका सर घूम रहा tha…wo कड़ी हुवी और बाथरूम की तरफ गयी और बाथरूम करके ayiii…aur अपना सर दबाने लगी ..

“कॉफ़ी”

निशा “yes”par तभी उसे रीलीज़ हुवा और उसने सामने देखा वो चीखने वाली हे थी की उसके मू पर हाथ आगया

“ चीखना मत मरवाओगी kya..nahi चीखोगी”

निशा “तुमने अभी सब देखा ”

राज “राज है …सब देखा”

निशा गुसाई से “तुम मेरे रूम मई क्या कर रहे हो”

राज “ मैं नहीं आप मेरे रूम मई हो”

और निशा ने आस पास देखा और उसकी हवईया उद्गायी और जैसे हे उसने पहनी ड्रेस देखि वो चीखने हे लगी थी की …राज ने उसके आवाज को किश से दबा दिया …और 2 मिनट तक लम्बी किश दी…

राज अब चिल्लाना मत और मेरी बास्त सून लेना पहले…

निशा शॉक मई ok…

राज “आप कल कार मई सो गयी थी तोह आपको यंहा ले आया क्योकि आपको ले जाने की दूसरी जगह मेरे पस्सतोः नहीं थी … पर रास्त को आप इतने नशेमे thi…ki आपको लेटने के बाद मई बहार गया हे था की आप अंदर पानी के टबमै लेती नाहा रही thi…aur खुदको पूरा गीला कर लिया था इसलिए मुझे आपकी ड्रेस चेंज करनी पड़ी…

निशा “ तुमने की”

राज “तोह और कौन karega.main और आप हे तोह थे”

निशा “तुम कमीने और क्या किया”

राज “वेट वेट मैंने कुछ नहीं किय ह डॉ से चेक करवा सकती हो मन कल आपको बिना कपड़ो के देखा पर मैं गिरा हुवा इंसान नहीं hu…ap बीमार हो जाती अगर भीगी रहती तोह और वैसे भी मैंने कुछ नहीं जो किया होने हे किया ह”

निशा “तुम”

राज “ यकीन नहीं होता तोह ये देखो”

इतना कह उसने अपनी टी शर्ट उतरी तोह उस पर लिप्टिस से बने किश के निशान और खरोंच थी”

राज “वो तोह जीन्स पहनी थी वर्ण आप कंही और भी निशान छोड़ देती वो देखिये शर्ट जिसको फाड़ने मई कोई कसार नहीं छोड़ी अपने”

निशा “स्टॉप और अपना मू चादर मई दाल दिया”

राज “जरा चेहरा दिखाना जरा” और निशा ने धीरे से अपना चेहरा बहार निकला

राज “ क्या शर्म ह निशा जी कल जब जब जबरदस्ती बीएड पर रपे कर रही थी तब नहीं आयी शर्म “

निशा अब बुरी तरह शर्माने लगीई

राज “ ये लजिए कफ पीजिये”

निशा ने शरमाते हुवे कॉफ़ी लेली..

राज “ वैसे थैंक यू कल की पार्टी अछि thi…dont वोर्री मैं ट्रस्टबल पर्सन हु …एडवांटेज नहीं लेता hu…ab रात की बाते भूल जाईये …बूत रियली थैंक यू कल आपके साथ टाइम का पता हे नहीं लगा अपने कितनी बाते करि”

निशा कॉफ़ी पीकर कड़ी हुवी …और राज की टी शर्ट मई हे उसके पास आकर ऊँची हुवी और एक प्यारी सी लिप किश राज के होठो पर दे दी…

राज “ आपकी साड़ी ड्राई क्लीन तोह नहीं ह बूत सुख चुकी ह वो रही”

निशा “ आज संडे ह तोह कोई इशू नहीं ह मैं यंहा से सीधी घर हे jaungi…waise अपने सच मई कुछ नहीं किया”

राज “कुछ नहीं किया पर है आप सोचते हु की गलती कर डीई hiii.golden ओप्पोर्तुनिटी मिस करदी…”

निशा शर्माती हुवी जल्दी से साड़ी लेकर बाथरूम मई भाग गयी …और करीब 15 मिनट बाद आयी …और बिना कुछ कहे हे चली gayiii…uska जाना हुवा और 15 मिनट बाद बॉक्सिंग गर्ल शालिनी का आना हुवा…

राज “तुम”

शालिनी “नहीं आसक्ति”

राज “ आज तोह संडे ह न”

शालिनी “ कम्पटीशन पास ह न इसलिए प्रैक्टिस जरुरी ह”

राज “पर यंहा”

Shaliñi” क्लास ओपन ह नहीं आपकी स्टूडेंट्स अभी आने लगेंगे तोह भीड़ हो जाएगी इसलिए जल्दी आगयी …”

राज “अब पैन कैसा ह”

शालिनी “ एक्सेसिवे प्रैक्टिस से स्टिफनेस आजाती ह बूत प्रैक्टिस जरुरी ह न कल रिलीफ मिला पर आज और एक बार स्ट्रेचिंग हो जाएगी तोह कम्पलीट रिलीफ मिल जायेगा”

राज “ok यंहा बेंच नहीं ह बीएड पर लेट जाओ”

शालिनी ख़ुशी से लेट gayii…raj ने उसके ऊपर आकर एक घुटने को मोड़कर एक तरफ किया और कन्धा दूसरी

पोजीशन ये थी की राज का आगे का टच शालिनी के आगे और पीछे के दोनों छेद पर हो रहा था और कुछ सेकण्ड्स राज उसकी बॉडी को हलके हलके हिलाते हुवे रिलैक्स करने लगा और निचे शालिनी राज के आगे का टच पाकर पानी छोड़ने lagi…aur जैसे हे राज ने हल्का सा झटका दिया काटके निकलने की आवाज आयी और साथ हे शालिनी की आह्हः भी निकल गयी…

राज जो दस मिनट से शालिनी को एक्सरसाइज दे रहा था अब तक उसकी नज़र अचानक हे टैंगो के बिच मई गयी …तोह शालिनी की लोअर पर हल्का गीला पैन ारखा था और वो समाज गया की ये क्या ह वो हैरान हो gaya…aur शालिनी को देखने लगा…

शालिनी दूसरी तरफ देख कर “वाशरूम कान्हा ह”

राज ने एक तरफ इशारा कर दिया…

पर एक गड़बड़ हो गयी…

शालिनी जैसे हे वाशरूम पहुंची तोह सामने उसे एक डिज़ाइनर पंतय तंगी हुवी दिखायी दी जो निशा सायद शर्म की वजह से पहनना भूल गयी थी…

वो 5 मिनट बाद उसे लेती हुवी बहार आयी…

शालिनी “ये निशा मम की ह न”

राज की सिटी पित्ती घूम हो गयी उसका रिएक्शन न अत देख वो boli“ohh यानि कल रात वो यंहा थी”

राज “है”

शालिनी अचानक रोने लगीई…

राज “अरे रूको तुम्हे क्या हुवा अब”

शालिनी आंसू पौंचते हुवे “ कुछ नहीं” फिर गुसाई से “उसमे ऐसा क्या ह जो मुझ मई नहीं ह उस साई जवान हु फिगर मेरा जायदा ाचा ह बस एक फेस हे तोह उसका मुझसे थोड़ा जायदा ाचा ह फिर वो क्यों”

राज हैरानी से“ मतलब क्या ह साफ़ बोलो”

शालिनी “फाइन अपने उसके साथ सेक्स kiya…jabki मैं आपको लिखे करती हु ये नहीं दीखता आपको”

राज ने अपने माथे पर हाथमार लिया और उसका हाथ पकड़कर उसे बैठाया और बोलै “ तुम पढ़ाई और स्पोर्ट्स पर धयान दो समझी तुम्हारे पेरेंट्स को तुमसे बहुत उमीदे h…ye सब करने की उम्र नहीं बी”

शालिनी को फर्क नहीं पड़ा और वो बोली “सेक्स आप मेरे साथ कर लेते जवान हु उसे तोह अछि हे हु निकलूंगी”

राज गुसाई से “एक मरूंगा खिंच कर दुबारा ये सब कहा तोह …तुम अछि लड़की हो तुम्हे ये सब नहीं करना चाहिए ह”

शालिनी “वो कुटिया मैं छोडूंगी नहीं उसे ….आप की गफ मैं हे बनूँगी मैं अभी उस कुटिया को इतना मरूंगी की दुबारा आंख नहीं उठएगी दुबारा ”

राज उसे गुसाई मई देख समाज गया की अभी प्यार से काम लेना hoga“ok ok शांत हो जाओ पहले तुम टॉप थ्री मई औ फिर मैं सोचूंगा ok”

शालिनी ख़ुशी से “प्रॉमिस”

राज “औ तोह सही पहले “

और बस शालिनी खुसी से उछली और राज के गलेलाग गयी…

राज हैरानी से “अब प्रैक्टिस करो”

शालिनी बहार एते हे “कुटिया साली निचे आकर मेरा हीरो मुझसे छिनेगी तू मैरिड ह मैं ुमारिएड हु वर्जिन हु राज तोह मेरे हे होगा”

और अंदर शालिनी के जाते ह राज गुसाई से “तेरे पिछवाड़ा न तोडा सुनील तोह मेरा नाम भी राज नहीं बस तू दुबारा मिल”

तोह पलाइन मई सुनील अचानक “ हीइसछहः… होईछःह करने लगा”

शेरदिल “पक्का तुझे मनीषा भाभी याद कर रही ह”

सुनील “यार हिच्छ्कीयो के साथ एक्सपीरियंस बहुत गन्दा रहता ह और मोस्ट ऑफ़ टाइम सोनाली दी ने हे पिता ह जब भी हिचकिया आयी h…par अभी तोह सब तीख ह वो मारती भी नहीं ह और प्यार हे करती ह …बड़ी बहन की तरह”

शेरदिल “ अब सब तीख कान्हा ह वो क्या कहता ह तू हास याद अब राहू आगया ह न तेरी कुंडली मई”

सुनील “ है राज हे ह जरूर उस कमीने ने हे याद किया होगा एक बार सब निपट जाये …फिर दी के आगे पटक dunga..aise घुट के मरने से ाचा ह एक बार मई हे मर जाऊ”

शेरदिल “आल इस वेल …आल इस वेल सब तीख होगा”

इधर राज …..नहाकर निकला तोह सामने जैस्मिन बैठी हुवी थी…

जैस्मिन “गुड मॉर्निंग “

राज बिना dekhe“good मॉर्निंग”

राज की नार्मल आवाज soon…jasmin “ लग रहा ह मेरे हॅंडसमे हुनक राज की मॉर्निंग अछि नहीं रही ह ….निशा मम ने सोने नहीं दिया kya…yaaa शालिनी की जवानी ने होश उदा दिए सुभे सुभे”

राज उसके सर पर तपली मरकर “तू फिर सुरु हो गयी अब तुझे क्या हुवा जो सुभे सुभे हे आगयी और सुभे का मत पूछ बहुत भयानक रही ह”

जैस्मिन “अरे नास्ता लायी हु अल्लू के परांठे दही और आचार ह मैंने बनाये ह खाने ह या नहीं ..एक तोह नास्ता लायी हु और ऊपर से मुज पर हे गुस्सा हो रहे ह आप”

राज की आंखे चमक उठी और बोलै “ ok ok नौटंकी खाऊंगा जल्दी से लगाओ किचन उधर ह..”

जैस्मिन किचन से जाकर प्लेट्स ले ईई और दोनों साथ खाने लगे…

राज “बहुत टेस्टी ह तू तोह नहीं बना सकती सच बता किसने बनाये”

जैस्मिन बुरा सा मू बनाकर “माँ ने बनाये ह पर मुझे भी एते ह समझे आप”

राज “ तीख तीख ह वैसे फिर तोह घर आना पड़ेगा खाने के लिए”

जैस्मिन “मन किसने किया ह बस आपके पास हे वक़्त नहीं ह”

कुछ दिएर बाद …

राज “वाह मज़ा आगया 2 साल बाअद खाये ह यार”

जैस्मिन “2 साल बाद”

राज “है यार दो साल बाद खाये ह बहुत लम्बी स्टोरी ह छोड़ तू स्टोरी को …पर अब नास्ते से मेरी बाद मॉर्निंग गुड मॉर्निंग हो गयी ह और तू इधर उधर फालतू चीजों मई धयान मत दिया कर समझी”

जैस्मिन “जो हुकुम आपका”

राज “ फिर मस्ती …अब चले आज कॉलेज के अरेंजमेंट देखने ह बहुत सरे काम ह”

जैस्मिन “ मैं भी चलती हु आपके साथ ”

दोनों चल पड़े साथ …और अरेंजमेंट देखने लगे जंहा जैस्मिन सब बताती gayi…par उसने कुछ ऐसा नोटिस किया जिसने उसे सोच मई दाल दिया…

राज जैस्मिन से “ ये फुस्पेंद्र क्यों इतना इन्वॉल्व ह उसे तोह प्रैक्टिस करनी चाहिए न …”

जैस्मिन “वो क्या वो महेश सर का खास ह इसलिए हे तोह इतना उछलता ह”

राज “और ये नेहा इसका क्या सन ह वो क्यों गुसि रहती ह ”

जैस्मिन “वो क्या वो मुझे नहीं पता वो पहले तोह बहुत इंटेलीजेंट थी अब 2 साल से ऐसी हो गयी ह …वर्ण प्रेजिडेंट भी रही ह कॉलेज की बहुत दबदबा रहा ह उसका”

राज “तोह अब कौन ह”

जैस्मिन “अब सारिका ह वो एमएससी फाइनल ईयर की स्टूडेंट ह और नेहा की बिलकुल नहीं बनती ह उस साई …

राज “ हम्म्म इंट्रेस्टिंग इंट्रेस्टिंग ाचा जैस्मिन तुम कल रात क्या रही थी हॉस्टल से बहार”

जैस्मिन “मेरे हीरो का वेट वो आसमान से उतारकर आने वाला था आया हे नहीं ”

राज “जैस्मिन फालतू कामो मई कर्रिएर ख़राब मत करना ok”

जैस्मिन “जो हुकुम मेरे आका”

राज “ ाचा ये पुलिस क्यों ह इवेंट तोह अभी कुछ दिन बाद मई ह न”

जैस्मिन “वो क्या दूसरे कॉलेज के लड़के आजाते ह ..पास मई हे मेडिकल कॉलेज ह वंहा के लफंगे आजाते ह इसलिए पिछली बार ऐसा हे हुवा था और उनके साथ एरिया का लोकल गुंडा भी आ जाता ह जब्र बहुत खतरनाक नाक ह”

राज “बकरा ये कैसा नाम ह”

जैस्मिन “धीरे राज जब्र बहुत खतरनाक ह उसका भाई यंहा पड़ता ह और उसे मिलने अत हे रहता ह बस कुछ गलत नहीं करता ह तोह कोई उसे रोक नहीं सकता क्योकि उसका भाई इस कॉलेज मई ह”

राज “ओह्ह तुम पापा से क्यों नहीं कहती”

जैस्मिन “उसके ऊपर फिर उसके ऊपर बहुत सरे ह मैंने सुना था पापा से… राज एक दिन मैं बड़ी अफसर baungi…tab नहीं छोडूंगी किसी को भी”

राज “हम्म्म तीख ह फिर एक चलेंगे देता हु अगर पास हुवी तब मानूंगा फर्स्ट स्टेप पास कर सकोगी अफसर बनने का”

जैस्मिन “ok”

राज “र यू सूरे”.

जैस्मिन “दोने”

राज “ok वो नक्स ट्रेनिंग ग्राउंड दिख रहा ह फर्स्ट से लेकर एन्ड तक तुम्हे 20 मिनट्स मई कम्पलीट करना ह ok 25 मिनट्स दिए ….और 123 और टाइम स्टार्ट जो..”

बेचारी जैस्मिन फंस गयी और भागी ….जल्दी से …

और जैस्मिन को ऐसे भागते देख धीरे धीरे सबकी नज़र एक एक करके उसकी तरफ जाने lagi….aur सब उसे देखने लगे…

राज चिल्लाकर “फ़ास्ट फ़ास्ट जैस्मिन तुम कर सकती हो”

उसकी आवाज सून बाकि भी जैस्मिन की तरफ देखने लगे और राज की देखा देखि देख सब जैस्मिन को चीयर करने लगे…

वाईस प्रिंसिपल भावेश और फुस्पेंद्र जो पीछे दूर खड़े अर्रंगेमेन्ट्स मई लगे हुवे थे वो पास आकर

वप “राज सर बहुत क्रेज ह आपका”

राज “गुड मॉर्निंग सर बस मोटीवेट कर रहा हु ताकि अपना कॉन्फिडेंस बूस्ट कर सके”

वाईस प्रिंसिपल “ सुना ह फुस्पेंद्र और उस लड़की के बिच मैच ह कल …कुछ गलत हो गया लड़की के साथ तोह आप मू दिखने लायक नहीं रहेंगे”

राज बिना वाईस प्रिंसिपल की तरफ देख कर “कल रात आप कॉलेज से दो बार अंदर बहार ए लगता ह बहुत जरुरी काम था …ऊपर से इंग्लिश मई आपका इंटरेस्ट कुछ जायदा हे ह”

भावेश ने भी चेहरे पर एक्सप्रेशन नहीं आने दिए और बोलै “गलत फहमिया मत रखना वर्ण एक कदम और मुश्किल मई पद जाओगे और वाईस प्रिंसिपल हु हज़ार काम होते ह अब तुम्हे रिपोर्ट करू की राज सर राज सर रात को घर जाकर आया हु बीवी कोसंभालना होता ह अपनी हद्द मई रहो..”

फुस्पेंद्र “ भावेश सर जुम्मा जुम्मा 3दिन ए हुवे ह और हरकते देखो”

राज मुस्कारते रहा और बोलै … “ पुराणी इमारते खुद तोह गिरती हे ह” और फिर फुस्पेंद्र की तरफ देख कर “नए चूजों को भी निचे दबा कर मार देती ह खैर चलता हु ..” फिर रूक कर “ ओह्ह थैंक यू सो मच फॉर योर प्रेसियस वर्ड्स” इतना कह वो निकल गया तोह पीछे भावेश गुसाई से उबलता रह गया और गुसाई से बोलै “ चुटिया मुझे सिखाएगा …. इसको तोह ऐसा फँसाऊँगा की साला निकल नहीं पायेगा यही स्टूडेंट इसे मार मारकर कॉलेज से बहार फेंकेंगे”

फुस्पेंद्र “ मेरे पास एक धांसू आईडिया ह उस साई सांप भी मर जायेगा और लाठी भी नहीं टूटेगी ..”

वाईस प्रिंसिपल “ वो क्या ह”

और फुस्पेंद्र साडी बात बताता चला गया और भावेश प्लान सुनकर खुस होकर बोलै” आज रात तुझे अपने कॉलेज का फ्रेश माल टास्ते करवाता हु …बहुत दिनों से नज़र थी अब जाकर फांसी h”ye सुनकर फुस्पेंद्र की बांचे खिल गयी और उसने हाथ जोड़कर कहा जय हो गुरुदेव…

इधर राज ने दूर जाते हुवे चुपके से एक नज़र दोनों को देखा और फिर जैस्मिन की तरफ चल दिया इधर जैस्मिन पसीने मई लेथ पथ भगति हुवी राज के पास पहुंची उसके चेहरे से पसीना टपक टपक कर निचे गिर रहा tha…aur वो बुरी तरह हांफ रही थी…

जास्मी हांफती हुवी “कितना टाइम …”

राज “गुड तुम जरूर बनोगी जो तुम चाहती हो”

जैस्मिन “ बताईये न कितना टाइम लिया”

राज मुस्कुरा कर “32 मिनट्स”

ये सुनते हे वो निचे बैठ गयी और उसका चेहरा उतर गया…

राज “ चले या अब रोना धोना भी करना ह”

जैस्मिन दुखी होकर “चलिए…”

राज “ ाचा जैस्मिन एक बात पुछु सच बोलना”

जैस्मिन “आपसे झूट बोलूंगी क्या”

राज “गुड तोह फिर ये बताओ की प्रिंसिपल मम से इशारो मई क्या बात कर रही थी कल तुम”

जैस्मिन बिना किसी एक्सप्रेशन के “वो क्या …वो कुछ खास नहीं उन्हें कहा की लड़कियों पर नज़र रखे …पिछली बार इवेंट के टाइम लड़के लड़कियों गन्दी हरकत करते हुवे पाए गए थे और मेरे पापा पुलिस मई ह तोह उन्होंने कहा की मैं हॉस्टल मई रुकू और नज़र rakhu…matlb प्रिंसिपल मम की हेल्प करू वैसे आप कहो तोह आपके गेस्ट हाउस मई रूक जाऊ”

राज मू बनाकर “फिर सुरु हो गयी”

जास्मी. “और क्या कितने सवाल पूछ रहे ह..”

तभी प्रिंसिपल प्रीती आगयी और जैस्मिन को इशारा किया…

राज “ लो बुला रही ह जाओ”

जास्मी अति hu…jasmin के जाते हे राज एक बेंच पर बैठा और खुदसे हे बोलै “ प्रिंसिपल जो सच बोल नहीं रही h….Jasmin एक स्टूडेंट जो खुदको बहुत होशियार समझती h…shalini एक लड़की जो तीन दिन मई प्यार मई पद gayiii…ek इंग्लिश टीचर जो रात को होश मई होकर भी नशे की एक्टिंग करती रही और सडके करने ki.sari हाडे पार karii…aur अब ये दो जोकर जिनका आपस मई कोई रिलेशन नहीं ह पर सपोर्ट ऐसे कर रहे ह जैसे …मौसेरे भाई ho…intresting इंट्रेस्टिंग सच मई कॉलेज पसंद aya….khel मज़ेदार हो गया h…tabhi उसके मोबाइल मई वाइब्रेशन हुवा और उसने मोबाइल निकल कर देखा तोह उसे अप्प से नोटिफिकेशन ारः था उसने ओपन किया तोह उसपर एक मोबाइल नंबर की लोकेशन शो होने लगी जो की उसके हे कॉलेज की आरही thi…aur वो धीरे धीरे लोकेशन की तरफ चल diya…aur चलते चलते कॉलेज के पीछे पंहुचा जंहा बहुत सरे लड़के लड़किया छोटे छोटे ग्रुप्स मई खड़े the…usne एकबार सबको देखा और एक चेहरे पर नज़र गयी …और उधर से सबकी नज़र राज पर गयी तोह सब हड़बड़ा गए और आपस मई बात करने लगे सब थोड़े घबराये हुवे भी थे और उठकर खिसकने लगे तोह…

राज “ डोंट पैनिक ….बे कम्फर्टेबले….” और वापस जाते हुवे बोलै “डोंट क्रॉस लिमिट्स ok ”

फिर वापस एते हुवे “तोह तुम हो इन सबके पीछे… मैं भी देखत हु आखिर तू क्या करना चाहता ह”

तोह इधर प्रीती को एक कॉल आया और वो जैस्मिन के साथ निकल गयी…

पर राज की नज़र प्रीती की कार के पीछे जाती हुवी कार पर जैसे हे पड़ी वो उसे पहचान गए और उसे पहचानते हे वो भी जल्दी से बहार की तरफ भगा…


आज के लिए ितं हे मस्ती मई पढ़ने का और बिंदास लाइक्स और रेवोएस पेलने का
 
कल आजायेगा अपडेट आज देना था पर थोड़ा काम बाकी ह...
 
अपडेट 238

फर्स्ट एनकाउंटर…

दिल्ली फ़िनलैंड जाने से एक दिन पहले….

“जेनी तुम भी जा रही हो”

जेनिफर (ालिता) “मम फॅमिली प्रॉपर्टी को सोल्ड भी करना ह और रिलेटिव्स से भी मिल lungi…aur क्लीन एनर्जी प्रोजेक्ट को खुद अपने अंडर मई सुपरवाइज़ भी कर लुंगी”

कृति सुनील की तरफ देख कर “क्या इसने कुछ कहा ह या कुछ छिपा रही ह मुझसे”

सुनील “कृति”

कृति “याद रखना जेनी को परेशां किया तोह मनीषा के नंबर ह तुम सोच नहीं सकते हो तुम्हारा क्या होगा..”

जेनी “मम मैं खुद जा रही हु आपको बताया था न वपर से मैच और माइक भी ह और सुनील सर तोह बहुत अचे ह”

कृति “तुम नहीं जानती हो तुम्हारे ये भाई और ये तुम्हारे सुनील सर क्या ह …और ये लास्ट टाइम ह इसलिए जेनी को भेज रही हु दुबारा तुम तीनो जेनी से दूर rahoge…main नहीं चाहती वो मुझसे दूर रहे ”

सुनील हाथ जोड़कर “ बड़ी मेहरबानी मम आपकी”

कृति “ये रही तुम्हारे वीसा डिटेल्स.. passport…aur tickets…ab जाओ ..”

सुनील मैच माइक और ालिता यानि जेनिफर दूर के पास पहुंचे तोह कृति बोली “ कोई भी नीड हो तोह बताना”

सुनील “जो हुकुम देवी जी ” और वो निकल गया पीछे कृति बस उन सबको जाता देखते रह gayiii….uska दिल उदास हो गया क्योकि जेनिफर हमेशा उसके साथ रहती थी और सेकरतेरी से जायदा फ्रेंड बन गयी thi…usne साडी मीटिंग्स कैंसिल करि और वो खुद भी घर की तरफ निकल गयी….

और उसको भी जाते हुवे बाटलीवाला और वो लेडी डायरेक्टर अपने केबिन से देख रहे थे…

लेडी “ ये नहीं आएगी…”

बाटलीवाला “एक बात समाज नहीं आरही ह की ये सुनील सिंघानिया क्यों आया कृति से मिलने और ये दूसरी बार आया ह कुछ तोह पाक रहा ह दोनों के बिच….”

लेडी “कंही दोनों आशिक़ तोह नहीं ह क्योकि एक ऑवर तक रूकना और फिर अचानक से कृति का घर जाना दोनों के बिच कुछ तोह ह”

बाटलीवाला “हम्म्म्म पर अब तोह खेल सुरु हुवा ह अब ये फंसेगी और ऐसी फंसेगी की इसका क्या हुवा ये खुद समाज नहीं पायेगी…”

लेडी “कहना क्या चाहते ह आप”

बाटलीवाला “ यही की तुम्हे सुभे सुभे मुझे खुस करना चाहिए h…aur मैं तुम्हे बताता जाऊंगा”

लेडी के चेहरे पर कामुक मुस्कान आगयी और बोली “ आप इस उम्र मई कुछ जायदा हे जवान नहीं हो रहे ह और अपना वडा याद ह न”

बाटलीवाला अपनी जीब खोलकर चूसता हुवा “ कसम से तुम्हारे होठो मई जड्डू ह जवान लड़किया भी वो बिलो जॉब नहीं दे पति ह जो तुम देती हो और है मुझे याद ह तुम जो चाहती हो तुम्हे मिल जायेगा तुम्हे…”

इधर कृति घर पहुंची और बीएड पर उदास होकर लेत गयी उसने मनीषा को कॉल मिलायी…

मनीषा “hello कृति कैसी हो आज मेरी याद कैसे आयी”

कृति “मनीषा तुम्हे पता ह की ये सुनील फ़िनलैंड क्यों जा रहा ह”

मनीषा मुस्कुराकर “कृति मैंने कभी उनसे कुछ नहीं पूछा ह की क्यों जा रहे हो, कान्हा जा रहे हो, कब आओगे और न मैं कभी पूछूँगी… क्योकि मुझे इतना पता होता ह की उनका हर दिन हर मिनट हमरे अचे के लिए या हमारी सेफ्टी के लिए हे उसे होता h….aise मई मैं उन्हें क्या कहकर पूछूँगी”

कृति “हम्म्म”

मनीषा “मन उदास ह तोह यंहा ाजाओ…”

कृति “आना चाहती हु पर नहीं आसक्ति हु यंहा भेड़िये घुसाई हुवे ह जिन्हे कंपनी से बहार फेंकना ह या अपने कंट्रोल मई लेना ह…”

मनीषा “जायदा स्ट्रेस मत लेना जब बात न सम्भले तोह बस मारकर दफना देना हे ाचा रहता ह”

कॉल कट होने के बाद. कृति को सुकून मिला….

इधर मनीषा कॉल कट करने के बाद … “ ईई ”

सुप्रिया “ला मैं ले जाती हु दूध तुम जाकर बाबूजी को सम्भालो क्योकि अब उन्हें अपनी छोटी बहु हे दिखती ह”

मनीषा शर्माकर “ जी चची”

सुप्रिया ….. दूध लेकर ऊपर पहुंची तोह दोनों बचो ने रोकर कोहराम मचा रखा था और रिफत ममता जानवी अजय सब खिलने की कोसिस कर रहे थे…

सुप्रिया “चलो तुम सब बहार जाओ और बचो को दूध पीने दो”

सब बहार गए और सुप्रिया ने दोनों के मू मई दूध की बोतल दे दी तब जाकर दोनों शांत हुवे और सोनाली भी बीएड पर बैठ gayiii…aur दोनों को दिध पिटे हुवे देखने लगी

सुप्रिया “कोई बात नहीं होता ह धीरे धीरे सब हो जायेगा”

सोनाली “जी चची”

सुप्रिया “जाओ नाहा लो मैं जब तक इन्हे संभालती हु”

सोनाली “जल्दी से कपडे लेकर नहाने चली गयी”

और उसे ऐसे जाता dekh..supriya बोली “बहुत नेक दिल लड़की h…par जो दुनिया मई ह हे नहीं उसके लिए अपनी पूरी जिंदगी उसके इंतज़ार मई बर्बाद करदेगी”

सोनाली जल्दी जल्दी नहाकर बाथरूम से बहार ईई..

और उसे ऐसे एते देख …

सुप्रिया बोली “पगली मैं थी न यंहा”

सोनाली शरमाते हुवे “वो चची मैं ….मम्मेने सोचो आपके तंग करेंगे”

सुप्रिया “मैं तीन बचो की माँ हु उन्हें पला और बड़ा किया ह और जानवी को भी संभालती हु फिर ये नन्हे शैतान मुझे कैसे परेशां करेंगे… पर है तुम जबसे इनकी माँ बानी हो इनदोनो ने जरूर तुम्हे परेशां कर रखा ह हालत देखो लड़किया जंहा नहाने मई इतना वक़्त लेती ह तुम्हे कुछ मिनट हे लगते ह”

अब सोनाली बेचारी शर्माने लगी …

सुप्रिया “तीख ह तीख ह ये दोनों सो जायेंगे दूध पिटे हुवे मैं इनके पास हे लेती हुवी हु तुम निचे जाकर कुछ खा लो”

सोनाली ने जी कहा और सीधा मनीषा के रूम मई आगयी..

मनीषा “क्या बात ह सासू माँ ने दन्त मार दी क्या”

सोनाली “नहीं वो नन्हे तूफ़ान सो गए तोह चची ने कहा की निचे जाकर कुछ खा लू जब तक वो उनके पास ह…”

तभी जानवी भी agayi….sonali की गोदी मई बैठ गयी….

सोनाली “क्या बात ह आज जानवी को भाभी की याद कैसे आगयी”

जानवी सोनाली की बांहो मई लगते huve“kuch नहीं कुछ भी तोह नहीं भाभी ”

मनीषा भी पास आगयी और बोली “अब बात भी दो लाड़ली ननद जी”

जानवी शरमाते हुवे“ वो मुझे ह न…”

दोनों “हां”

जानवी “वो मुझे ह न चॉकलेट कहानी ह और मूवी जाना ह”

सोनाली “हम्म्म तीख ह हम तीनो चलते ह चलो मनीषा”

जानवी जल्दी से नहीं नहीं “ रिफत di,mamta दी और अजय भैया भी चलेंगे उन्होंने ने हे तोह” इतना कहते हे उसने आंखे बंद कर्ली और bus…sonali ने उसे अपनी गोदी मई उठाया और कड़ी होकर बोली “पर अभी तोह आप बोल रही थी सिर्फ आपको हे मूवी जाना ह”

अब क्या बोलती वो फंस गयी और मनीषा और सोनाली के गाल को अपने हाथो से सहलाते हुवे बोली प्लीज न भाभी आप दोनों तोह मेरी क्यूट क्यूट भाभी हो न…

मनीषा और सोनाली ने एक दूसरे को देखा और फिर दूर की तरफ देख कर तुम सब भी ाजाओ और बस एक के बाद एक तीनो अंदर आगये… अजय को पीछे से ममता और रिफत धक्का देकर आगे कर रही थी और वो बेचारा पीछे हो रहा था

सोनाली… “ घबराओ मत तुम्हे घूमना हे ह न”

चारो ने एक साथ गर्दन हिला दी…

मनीषा “ok हमारे साथ औ”

और चारो दोनों के पीछे पीछे बहार आगये ….

रिफत माँ “आज इन चारो के दिमाग मई क्या आईडिया आगया बहु”

मनीषा “माँ इस बार घूमने की डिमांड आयी ह”

रिफत माँ “हे भगवान् दोनों घोडियो जैसी हो गयी ह पूरा दिन उछाल कुढ़ मचती ह बचो की तरह ”

ममता “माँ बस घूमना हे तोह चाहते ह पूरा टाइम तोह बस पढ़ाई करते रहते ह प्लीज जाने दो न”

सोनाली “कोई बात नहीं माँ इन्हे जाने दो”

रिफत माँ “बहु बिगड़ जायेंगे ये”

मनीषा “ जानो दो माँ बाहय वक़्त हो गया ह बहार गए huve…ek काम करो दमन दीव चले जाओ वंहा अपना आइलैंड ह तुम्हारे भाई ने हे ख़रीदा था”

अजय “वो मज़ा आजायेगा”

मनीषा “और वंहा अनु भी ह उसका दिल भी लग जायेगा”

चारो “अनु दी भी ह वो मज़ा आजायेगा” और चारो ने जल्दी से अपना सर है मई हिला diya…..aur जल्दी से अपने रूम की तरफ चले गए ..

रिफत माँ “राज के जाने के बाद साडी खुसिया चली सी गयी थी पर बचो के आने के बाद घर की खुसिया जैसे वापस सी आगयी ह अब बचे भी खुस रहते ह”

मनीषा “है माँ”

पर राज का जिक्र सुनते हे सोनाली का मन उदास हो गया और वो वंहा से चली गयी ….उसकी आँखों मई आंसू आगये थे क्योकि उसकी माँ के बाद वो हे तोह उसकी दुनिया था ..वो राज की यादो मई घूम आंसू बहती रही और मनीषा ने आकर उसे संभाला तोह खुद को रोक पायी …पूरा परिवार राज की घटना से उभर रहा था …..घर के बहार नरपत सिंह गाँव के काम काज मई हाथ बताने लगा tha…aur साठे अपनी स्किल्स को बेस्ट करते जा रहे थे और फिर भी टाइम बचता तोह गाँव की प्रोब्लेम्स को सोल्वे करने जाते और मंडावा को एक डेवेलोप विलेज बना रहे the…toh दादाजी अब जायदा बहार नहीं जाते थे …..अपनी कम्फर्टेबले चेयर पर बैठकर आराम करते थे और शाम को भवानी और नरपत के साथ बैठकर दो पेग लगते हुवे बाते karte…aur उनकी बातो मई साफ़ दीखता था की राज जिन्दा ह और वो वापस आएगा…

मांडवा से दूर…

उत्तरप्रदेश मई….

बहुत सरे लोग घुटनो पर बैठे हुवे रहम की भीक मांगते हुवे गीध गिड़ा रहे थे ..और उनके सामने 7 फ़ीट के 2 भयानक शख्स खड़े थे जिनकी गार्डन पर स्कॉर्पियन का धौंक दिख रहा था…

“ मुझे सिर्फ ये जानना ह उसके साथ वो आदमी कौन थे”

सामने बैठे आदमी औरत गिड़गड़ाये “हमे नहीं पता ह वो कभी कभी हे अति थी गाँव मई और हमने उसके साथ कभी किसी को नहीं देखा”

टट्टूवाला शख्स “तुम मेरे किसी काम के नहीं हो” और अपनी सोर्ड उठायी और सबको काट दिया और बोलै … “उन बचो को कितनी दूर तक लेकर जायेगा मुझसे इतना कह वो जाने लगा…” तभी उसके साथ वाला टट्टू वाला शख्स बोलै… “ एक आदमी ने एक वीडियो भेजा और कहा ह उस दिन ये कार बहुत तेज़ी से उप की तरफ गयी थी और उस कार मई जिस कलर के कपडे हमे बताये गए थे वही कलर की ड्रेस उन्होंने पहनी ह बस उनका चेहरा क्लियर नहीं ह…”.

ये सुनते हे टट्टूवाले पहले वाले शख्स के चेहरे पर भयानक मुस्कान आगयी…. और बोलै बस कुछ वक़्त और फिर तू तेरी मौत के सामने होगा…”

इतना कह वो दोनों निकल गए और पीछे छोड़ गए lashai…..jinmai बचो से लेकर बूढ़े तक थे…

रस्ते मई पहला वाला टट्टू शख्स “अब हमे उस दिन के हर ट्रैफिक कैमरा सभी ऐरपोट कैमरा और फिर सभी ट्रैन कैमरा चेक करने ह और उसका क्लू मिल जायेगा...

दूसरा टट्टूवाला “ बहुत वक़्त लगेगा”

पहलेवाला गुसाई से “वक़्त कितना भी लगे हमे उसे ढूँढना हे होगा”

इनसब से अलग ….प्लेस उदयपुर…

“पूनम पूनम कान्हा खो गयी घर चले …शाम होने वाली ह”

पूनम आवाज सून कर सिर्फ है मई गर्दन हिली दी

लड़की जिसका नाम मुस्कान था वो बोली “तुम कभी किसी से बात नहीं करती हो न”

पूनम ने उसकी तरफ देखा और फिर झीलके किनारे झील की तरफ देखते हुवे चलने लगी ..

मुस्कान “ok ाचा तीख ह आइस क्रीम हमेशा की तरह …”

पूनम ने कोई रिप्लाई नहीं दिया तोह मुस्कान समाज गयी की उसकी हां ह और वो चलदी साइड मई खड़े आइस वाले की तरफ इधर पूनम डूबते सूरज को देखने लगी …..आज भी उसके चेहरे पर कोई एक्सप्रेशन नहीं थे…

पास हेमुस्कान के मोबाइल पर रिंग हुवी और वो कॉल उठाकर बोली “ ही भाई”

प्रधान का बीटा “hello मुस्कान कैसी ह वो”

मुस्कान “भाई कोल्ड ब्यूटी ह हमेशा विथाउट एक्सप्रेशन के रहती ह सायद कोई डीप शॉक लगा ह उसे इसलिए चुप रहती ह ..और सबसे इम्पोर्टेन्ट थिंग वो रोटी भी नहीं ह और एक हलकी सी आहत से भी ऐसे जगती ह जैसे उसे किसी का इंतज़ार हो …पर बहुत अछि कभी परेशां नहीं करती ह”

लड़का “ी क्नोव यार मैं उसे स्कूल टाइम से पसंद करता हु बहुत अछि लड़की ह प्लीज उसकी केयर करना मैं उसे जल्द से जल्द तीख होते देखना चाहता हु और फिर बंगलोरे भी तोह लाना ह पूनम को ट्रीटमेंट के लिए तू भी साथ अजना मेरी हेल्प हो जाएगी”

मुस्कान “ोये होये मेरे भाई को प्यार ह वो भी स्कूल टाइम से ोये होये …तब तोह मदद करनी हे होगी….”

लड़का “ मस्ती करने लगी चल रखता हु तक”

मुस्कान “ वेट वेट भाई मेरी फीस”

लड़का “ब्लैकमेलर मिल jayegi….papa मम्मी को नमस्ते कहना”

कॉल कट होने के बाद …उसने पूनम को आइस क्रीम दी और दोनों वंही बेंच पर कुछ दिएर के लिए बैठ गयी …तभी कुछ मनचले उनकी तरफ देख कर .. “ उदयपुर मई इतनी खूबसूरत लड़की पहली बार देखि ह सिम्पलिसिटी मई भी एक्ट्रेस को फ़ैल कर दे ये चल यार इंट्रो करते ह क्या पता किस्मत खुल जाये”

वो अपने कपड़ो को तीख कर आगे बढे हे थे की जीन्स टी शर्ट पहने एक लड़का उनके और पूनम के बिच आगया ….

मनचले “चल हैट बे”

लड़के ने एक बार पीछे पूनम और मुसकासन की तरफ देखा की वो देख तोह नहीं रहे ह और जब सूरे हो गया फिर पॉकेट से गन निकलकर बोलै “निकल ले वर्ण मार कर ऐसी जगह फेंकूँगा साडी आशिक़ी भूल जाये” उसके हाथ मई गन देख उनकी ऐसी फटती की चारो गायब हो गए ….

मुस्कान भागने और शोरे की आवाज सून पीछे मुड़कर देख कर boli“lafenge कंही के चलो पूनम घर चलते ह और फिर अपनी कार निकली और दोनों निकल गयी घर की तरफ” और एक कार उनके पीछे दुरी बना कर चलती रही…. और जब वो घर पहुंच गयी …तब पीछा करने वालो मई से एक ने मैसेज सेंड किया आल गुड ….और एक साउंड की बीप हुवी सोनाली के मोबाइल मई और उसके चेहरे के एक्सप्रेशन बदल गए उसने मैसेज देखा और उसके एक्सप्रेशन वापस नार्मल हो gaye……aur वो वापस दादाजी से बात करने लगी….

पर थोड़ी हे दूर कड़ी मनीषा ने ये नोटिस कर लिया और वो खुदसे हे बोली “बारूद भरता जा रहा ह inmai…bahut गुस्सा ह बस दिखा नहीं रही ह ये …हे भगवन …इन्हे अब और ढक मत देना बहुत मुश्किल से ये तीख होने लगी h…agar ये बारूद फटा तोह सब कुछ बर्बाद कर देगा ”

प्लेस हिमाचल….

ैप ऑफिस मई एक लड़की एंटर हुवी…

कांस्टेबल “किस से मिलना ह आपको बीटा..”

अभी वो और कुछ बोलता…

लड़की “अंकल अंकल आप हमेशा से ऐसे हे बकवास करते ह क्या”

कांस्टेबल “क्या कहा”

लड़की उसके साइड से निकलती हुवी सीधा ैप ऑफिस मई जाने लगी तोह बहार खड़े पुलिस इंस्पेक्टर ने रोक लिया जो खुद अंदर बुलाने का वेट कर रहा tha…usne उसलड़की का कंधे पर हरह रख कर रोक दिया

लड़की “दुबारा से चुवा तोह अगली बार हाथ नहीं रहेगा”

पुलिस इंस्पेक्टर उस लड़की का ऐटिटूड देख हैरान होकर bola“dekhiye मेरा मतलब था की सर बिजी ह अभी”

लड़की “ok” अभी उसने इतना हे कहा था की ैप अंदर से आया…

ैप - मिस सोफिया आपको आने की क्या जरुरत थी मैं शामको गुरूजी से मिलने आहे रहा था”

Sofiya“its ok वो आपका पार्सल लायी हु”

ैप इतनी जल्दी…

सना “मुझे सिर्फ उस हर शख्स से नफरत ह जो लड़की के साथ गलत करता h…bus एक गलती की ह ी होप आप मंद नहीं करेंगे”

ैप “प्लीज आप बस बोल दीजिये मैं देख लूंगा बाकि”

लड़की “बस आज के बाद वो मर्द नहीं रहा और एक हाथ नहीं ह बाकि मरहम पट्टी करदी ह”

ैप सोचकर ok…main हैंडल करलूँगा”

लड़की ने एक चुटकी बजायी तोह “2 जाने एक बोर को पकड़ कर लेकर ए और बोरा खोला तोह उसमे से एक आदमी पत्तिया मई लिप्त हुवा अंडरवियर मई बहार आकर गिरा और उसे देख पीछे देखने ए पुलिस वाले भी डरकर पीछे हो गए…

एक पुलिस वाला “ये तोह वो मर्डरर साम्बा ह जिसे मेन्टल साम्बा बोलते ह”

दूसरा कांस्टेबल “ये तोह परछाई की तरह रपे और मर्डर करता ह”

लड़की “आज के बाद ये लड़की को देखते हे दूर bhagega…kyo भागेगा na”aur लड़की की बात सुनते हे साम्बा जल्दी से एक तरफ दर से खिसक गया…

लड़की “ये रहे प्रूफ आपको प्रॉब्लम नहीं होगी…”

ैप “ मिस सोफिया अगेन थैंक यू सो मच”

सोफिया “ ok” बोल वापस चली गयी

S.I “ सर ये कौन थी छोटी पैकेट इतनी खूंखार”

ैप “ये कहने को छोटा पैकेट बड़ा धमका ह पर ये बहुत खतरनाक ह”

इधर वो लड़की बहार अपनी कार मई बैठी और सीधा आश्रम पहुंच गयी …और दबे पाँव अपने बॉडीगॉर्ड्स के साथ रूम की तरफ जाने लगी पर तभी उसे आवाज आयी

गुरूजी “हो गया”

सोफिया “जी गुरुदेव”

गुरूजी “कोई गलती”

सोफिया बोलने लगी तोह…

गुरूजी “ तुमसे नहीं तुम्हारे बॉडीगॉर्ड्स से पूछा ह…

सोफिया को पता था की क्या होना ह इसलिए वो जमीन पर दोनों हाथ से पुशअप्स मरने लगी…

गुरूजी “तुमसे कोई काम सीधा नहीं होता ह जज़्ब ये करना था तोह क्या जरुरत थी फिर पकड़ने की ”

सोफिया पुशअप्स मरते हुवे“ अपने हे बोलै था पकड़ने को”

गुरूजी गुसाई से “जो मैंने बोलै वो मन तुमने”

Sofiya“jinda पंहुचा तोह दिया”

गुरूजी “और पहुंचने से पहले जो किया”

सोफिया पुशअप्स लगाते हुवे और हांफती हुवी “ऐसो के साथ हमेशा यही करुँगी चाहे कितनी हे सजा मुझे क्यों न मिले”

गुरूजी “क्या इसलिए वो तुम्हे श्रीलंका से यंहा बचाकर लाया tha…usne तुम्हारी माँ से वडा किया था की तुम एक अछि जिंदगी जीओगी”

सोफिया “मैं खुस हु उनसे आप कह सकते”

गुरूजी चिढ़कर “अब से कोई मिशन नहीं बस ट्रेनिंग और स्टडी समझी और अगर तुमने बात नहीं मणि तोह भूल जाओ की राज से कभी मिल पाओगी और अब एक गलती और फिर देखो तुम सब जाओ और सोचो क्या किया तुमने”

सोफिया “जी गुरुदेव”

गुरूजी “जाओ अब “ फिर बॉडीगॉर्ड्स से “तुम्हारे लिए भी अंतिम चेतावनी ह इसकी बातो मई मत आया करो …ये अभी छोटी ह …”

बॉडी गॉर्ड “ पता नहीं गुरूजी सब तीख रहता ह बस ये किसी रपिस्ट का सुनती ह तोह अपने कंट्रोल से बहार हो जाती ह”

गुरूजी गहरी सोच मई डूबकर “हम्म्म तुम जाओ पर धयाँरखना आगे से की बस ये ट्रेनिंग और पढ़ाई हे करे ”

दोनों जी गुरूजी

इधर सोफिया रूम मई आकर चुप चाप लेट गयी ……और पुराणी बाते सोचने लगी…

सभी “सोफिया आज से यही नाम ह tumhara…mujhse फाइट करना सीखोगे फाइट से आप सबसे स्ट्रांग हो जाओगी”

सोफिया जो 2 साल बाद केयर सेंटर से आश्रम मई आयी thi….bus उसने है मई गर्दन हिला दी..

आग “क्यों बे इमोशनल हो गया”

सभी “यार बस ऐसे हे”

आग “देख इसका भी कोई नहीं ह और मैं और तू भी अकेले हे ह क्यों न हम”

सभी के चेहरे पर मुस्कुराकहत आगयी ाहर जल्दी से बोले है.. और इस तरह दोनों ने श्रीलंका से आयी उस अनाथ लड़की को अपना बना लिया और नाम दिया सोफिया

एक दिन ..सोफिया जबथोड़ी बड़ी हो गयी

सोफिया“ पापा मेरी मम्मी कान्हा ह सब बोलते ह वो बहुत दूर चले गए ह”

सभी “ है मेरी बची पर वो वंहा सितारों से तुम्हे देखते ह और तुम्हारी मम्मी तोह तुम्हे बहुत प्यार करती थी”

कर्रेंट टाइम सोफ़िया लेती हुवी अपना पास्ट का सोच रही थी और वो राज से मिलने का सोचती थी की कब मिलेगी क्योकि आग और सभी ने हमेशा उसे यही बताया की राज बहुत स्ट्रांग ह और अगर तुम्हे अगर उसे मिलना ह तोह तुम्हे स्ट्रांग होना होगा और तब से सोफ़िया ने काम उमरा मई हे हिमचाल के बड़े से बड़े खूंखार क्रिमिनल को सलाखों के पीछे पंहुचा दिया था जिन्हे पुलिस पकड़ने मई नाकामयाब रही thi…kyoki एक गैंग ख़तम होते हे दूसरा उसकी जगह लेने लगता ह

सोफिया लेते हुवे हे बोली “ एक दिन मैं आपसे जरूर मिलूंगा पर आप इतने स्ट्रांग हो तोह फिर आपकी एक भी फोटो कोई इनफार्मेशन इंटरनेट पर क्यों नहीं ह” ये कह उसने अपना तब निकला और उस पर गूगल पर सर्च करने लगी

तोह यंहा से बहुत बहुत दूर …

एक दिन पहले …फ़िनलैंड..

रात को फ़िनलैंड एयरपोर्ट पर फ्लाइट लैंड हुवी और जेनिफर सुनील शेरदिल मैच और माइक बहार अपने बैग्स के साथ sSs4****ki**ki*h*aye और सामने हे एक टीम उन्हें लेने आगयी…

मैच “ सुनील सर ये मेरे यंहा के लोकल ट्रस्टबल कांटेक्ट ह”

सुनील “ok तुम तीनो वंहा जाकर रेस्ट करो मैं क्वीन इंटरनेशनल के साथ नार्मल मीटिंग करके कल मिलता हु”

Ok कह वो तीनो दूसरी तरफ निकल गए और अब सुनील और जेनिफर आगे बढे तोह सामने से तीन5.8 से लेकर 5.10 इंच तक की फॉर्मल ड्रेस पहने हुवे लड़किया सामने से ayi…aur तीनो को देख सुनील जेनिफर से बोलै “यही ह kya…aur ये क्या ह जेन्नी”

जीनिफेर मुस्कुराती हुवी “ क्वीन इंटरनेशनल मई मोस्टली फीमेल एम्प्लाइज हे ह” और ये सून सुनील के सर मई दर्द होने लगा…

जेनिफर “और सर ये बहुत ओपन माइंडेड ह और ये तीनो मेरी फ्रेंड भी ह…” ये कह उसने आगे बढ़ हाथ मिलाया और सामने से बिना फॉर्मेलिटी के तीनो ने गले मिल एक दूसरे के गाल पर किश भी करि ये देख सुनील की फैट पड़ी क्योकि उसे लगा की उसे भी ऐसे हे मिलना होगा क्या…

सुनील “ मम्मेन जेन्नी…”

जेनिफर ने धयान नहीं दिया और अपनी फ्रेंड से सुनील की तरफ इशारा करके कुछ बोली और तीनो सुनील की तरफ देखने लगी और प्यारी मुस्कान से देखने लगी और बस ये स्माइल देखते हे सुनील की हालत बिलकुल वैसे हे थी जैसे बकरा शेर को सामने देख कर करता h……aur उसे दिखा मनीषा का चेहरा और बस वो मन मई हे बुदबुदाया … “ उन्हें पता लगा झप्पी और पप्पी ली ह तोह वो भाभी और देवर मार मार कर हड़िया तोड़ देंगी ऊपर से दी फिर श्वेता कविता रिफत ममता नहीं nahi…sunil गले मत मिल लेना बीटा वर्ण एक पल का मज़ा …और बहुत दर्द भरी सजा मिल जाएगीइ….”

वो कुछ और ख़याली पुलाओ बनता उसे पहले हे….

तीनो मई से एक आगे बढ़कर हाथ मिलते हुवे “hello मर सुनील नीस तो मीट यू…”

सुनील ने देखा की वो हाथ हे बढ़ा रही ह तोह चैन की सांस ले उसने भी हाथ मिला liya“Thank यू” उसने दो से हाथ मिलाया पर तीसरी ने आगे बढ़ हाथ मिलाया और बोली “आपको क्या लगा गले मिलेंगी….” और उसकी हिंदी सून सुनील के तोते उड़ गए…

लड़की “ यस हमे हिंदी अति ह हमने हिंदी सीखी ह तभी हम ये प्रोजेक्ट हैंडल कर रही ह ayiye”Itna कह वो आगे चलने लगी…

जेन्नी “ डोंट वोर्री सर गॉड प्रॉमिस मैं यंहा की कोई बात इंडिया मई नहीं कहूंगी बोलूंगी आप यंहा क्या करते ह क्या नही …मैं सबकुछ भूल जाउंगी क्योकि अपने और राज सर ने जो किया ह उसने मेरी और मेरे भाईयो की जिंदगी बदल दी इसलिए आप टेंशन मत लीजिये और ये जिनशि जो हिंदी बोल रही थी ये यंहा अप्प्रोक्स सब जानती ह इसलिए आप समाज रहे ह न …ये किसी भी एंगल मई इनफार्मेशन निकलने मई मेरे भाई से काम नहीं ह अब आप पर आप कैसे इनफार्मेशन निकलवाते ह …”

सुनील ने जेन्नी की बातो का डीपली मीनिंग निकला तोह सब समाज gaya…par उसका दिल नहीं मान रहा tha…usne आगे चल रही जिनशि की तरफ देखा जो कुछ जायदा हे स्टाइल मई चल रही थी…

जेनिफर “हम अभी गेस्ट हाउस मई हे चल रहे ह मैं जिनशि को असिस्ट करने के लिए कह दूंगी.. सुनील सर मेरे भाई फाइटिंग मई बेस्ट ह लिंक भी अचे ह पर एक लड़की को कभी काम मत संजना वो ऐसे ऐसे राज निकलवा लेती ह जो आदमी अपने सेज से भी नहीं कहता ह”

सुनील ने है मई गर्दन हिला दी और सभी एक वन मई बैठ गए….

जेनिफर “वेल जिनशि मैं तोह आज पार्टी के मूड मई हु वंहा कृति मम बहुत स्ट्रिक्ट रहती ह पर सुनील सर बहार नहीं जाना चाहते ह टी”

तब उनमे से एक लड़की “ तोह जिनशि रूक जाएगी न उसका भी मूड नहीं था वो पहले हे मन कर चुकी ह क्यों जिनशि”

जिनशि “ok no प्रॉब्लम अगर मर सुनील को प्रॉब्लम न हो…”

सुनील “ No ी म फाइन वेल मुझे तोह इनफैक्ट कंपनी मिल जाएगीइ डिनर मैं रेडी करूँगा”

जिनशि के चेहरे पर प्यारी सी मुस्कान agayii..aur सुनील भी उसे देख मुस्कुरा दिया…

और दूसरी तरफ शेरदिल मैच माइक एक घर के आगे रुके जंहा माइक मैच और शेरदिल निचे उतरे तभी दो जाने आकर उन्हें चेक करने लगे तोह एक जाना बोलै “ इतस ok हे इस माय फ्रेंड …के ों माइक..”

माइक अंदर आया तोह उसके फ्रेंड ने उसके कान मई कुछ कहा जिसे सून माइक के चेहरे पर सिकन आगयी…

माइक ने शेरदिल की तरफ देख…

शेरदिल “ क्या हुवा ”

माइक “हमारे यंहा एक रूल ह जब भी हम नई फ्रेंड को इंट्रोडस करते ह एक फ्रेंडली फाइट करते ह जो दोस्ती को स्ट्रांग करता ह हम दोनों ने भी की ह”

शेरदिल तोह फिर मैं भी करूँगा और उसे जोश आगया और वो अपनी टूटी फूटी इंग्लिश मई बोलै “ में अहसान शार्ट नाम sherdil…friend फ्रेंड …स्टार्ट फाइट…”

उसका जोश भरा रिएक्शन देख सरे जाने अपने हाथ मई बेयर का मग लेकर फाइट फाइट चिल्लाने लगे जिसमे लड़के लड़किया सभी थे ….

और शेरदिल सेकंड फ्लोर से सीधा निचे फर्स्ट फ्लोर पर जम्प कर गया….

माइक का दोस्त जो लोकल लीडर था वो इंग्लिश मई हे बोलै बूत हम हिंदी मई बात रीड करेंगे

लीडर “माइक baravo…sherdil फाइटर में ह”

माइक “शेरदिल को इंग्लिश मई लिओहेअर्त बोलते ह और ये सच मई लिओहेअर्त ह”’

लीडर ओह “में विथ लायन हार्ट”

माइक “हां…”

निचे फाइट स्टार्ट हुवी और शेरदिल भीड़ पड़ा और अपनी तरफ एते पहले वार को रोक दो पंच सामने वाले के फेस पर जड़ दिए …और शोर मच गया “ हूउउउउउउउ” तभी सामनेवाले तीसरे पंच से बचते हुवे एक पंच शेरदिल के मू पार मार दिया और शेरदिल एक कदम पीछे खिसक गया उसने होठो के कौन से आया खून पूछा और सामने वाले को तुम्ब्सप दिखाया और बोलै “बरोथेर नाउ माय टर्न” और फिर लगा पंचेस पर पंचेस मरने और 10 पंचेस के बाद हे सामने वाला निचे पड़ा था… शेरदिल ने उसे उठाया और अपने गले लगाया तभी एक जाना एक बेयर का मग लेकर aya…..aur शेरदिल को थमा दिया ….और बोलै “वेलकम इन फ़िनलैंड बरोथेर”

शेरदिल ने साइज देखा तोह मग नहीं जग था pura…usne उसे ऊपरउठाया और एक हे सांस मई गाठ गाठ गाठ पी गया और जोश से chillaya….aur उसके चिल्लाने से सब ने बी अपनी बेयर एक हे सांस मई पिली और चिल्लाने लगे…

और डांस और पार्टी सुरु हो गयी

कुछ दिएर baad…ek रूम मई

शेरदिल “जैसा माइक ने बताया हमे फ़िनलैंड के हर आइलैंड को सर्च करना ह और मिशन ह बस नई आइलैंड को मार्क करना और उसका एरिया मैसूर करना ताकि हम उस सीक्रेट प्रिजन को धुंध sake…issai बेनिफिट ये होगा की हम जिनको काम पर रखेंगे उन्हें भी पता नहीं होगा की हम क्या कर रहे ह और पकडे भी गए तोह भी वो कुछ बता नहीं पाएंगे इसके लिए स्टूडेंट्स को काम पर लगाना बेस्ट रहेगा ताकि पुलिस की प्रॉब्लम न ho…aur उनका लीडर भी एक प्रोफेसर hoga…jo हमे इनफार्मेशन dega…aur हम भी उस साई बिज़नेस में बन कर हे मिलेंगे..

लीडर “नीस प्लानिंग लिओहेअर्त”

माइक “यस यही प्लानिंग हमने करि ह”

लोकल लीडर “आईडिया ाचा ह पर पेमेंट बहुत लगेगा इस काममे”

शेरदिल के चेहरे पर स्माइल आगयी और बोलै “ गिव में योर अकाउंट नंबर “

लीडर ने अपने अकाउंट नंबर दे दिए …तोह शेरदिल ने सुनील को कॉल किया और कुछ हे मिनट्स के बाद एक मैसेज उसके मोबाइल मई aya…aur पेमेंट देख उसकी आंखे चमक गयी…

शेरदिल “ ये मिशन बहुत जरुरी ह अगर ये हो गया तोह जैसा मैच और माइक ने कहा तुम सब क्राइम फ्री लाइफ जियोगे”

लीडर ने शेरदिल के हाथ पकड़कर थैंक यू कहा और आगे बोलै “हमरा कोई नहीं ह इस दुनिया मई हमने कभी किसी ऐसे को नहीं मारा ह जिसने क्राइम नहीं किया हो हम भी अछि लाइफ जीने चाहते ह बूत मनी बहुत इम्पोर्टेन्ट ह”

मैच “जहां ये काम कर दिया तोह आल लाइफ गुड”

शेरदिल “हम फ्रेंड्स ह बूत एक बात क्लियर कर दू खतरा बहुत ह पकडे गए तोह जिन्दा भी नहीं बचेंगे ये भी सूरे ह”

लीडर “ मैं और मेरी टीम तुम्हारे साथ ह बूत पहले dinner”uski बात सून सब एक साथ हंस पड़े…

जुनागरघ…

राज बहार पंहुचा तोह उसे उसका टैक्सी वाला तैयार mila…aur उसमे बैठते हे “ उस कार का पीछा करो …”

टैक्सी ड्राइवर “ok बॉस और जल्दी से प्रीती की कार के पीछे चल रही कार के पीछे लगा दियस…

टैक्सी ड्राइवर “ बॉस”

राज “उस कार का पीछा नहीं छूटना चाहिए ह”

टैक्सी ड्राइवर “जो हुकुम बॉस अब तोह ऑटो से हमारे पास कार टैक्सी ह सवाल हे नहीं उठता ह” और तेज़ी से उस कार के पीछे भगा दिया …करीब एक ऑवर बाद ..

टैक्सी ड्राइवर “ बॉस ये तोह डेंजरस एरिया ह”

राज “मतलब”

टैक्सी ड्राइवर “यंहा तोह सीक्रेट मीटिंग होती ह भाई लोगो की”

राज “तीख ह पीछा करते रहो”

और आगे की दोनों कार एक ऑफिस के आगे आकर रुकी…

राज “इस ऑफिस को जानते हो”

टैक्सी ड्राइवर “बॉस आपको बोलै था न अपने काम से काम रखना उस दिन रोड वाला मर्डर याद ह न वो इसी ने किया था”

राज “कौन”

टैक्सी ड्राइवर “आपके कॉलेज के एरिया के पास का इलाका इसी का ह “

राज “ भाई नाम क्या ह वो बोल न”

टैक्सी ड्राइवर “जब्र सुपारी सब जनबरा भाई कहते ह एरिया के पुलिस वाले भी डरते ह पुलिस वालो के साथ भी सेटिंग ह इसकी ड्रग्स फिरौती सब करता ह”

राज “ तुम थोड़ा पीछे कार को रोक कर वेट करो मैं अभी अत हु”

टैक्सी ड्राइवर “जिन्दा आना बॉस तुम्हारी फ़िक्र हो रही ह”

राज बिना कहे कार से निकला और टैक्सी ड्राइवर के सर से कैप उतारकर सर पर लगा ली

इधर

प्रीती “तुम सूरे हो”

जैस्मिन यस मम “वो जो भी ह यही ह”

प्रीती “चलो”

जैस्मिन “मम ये ऑफिस पता ह न किसका ह पापा को अजाने दो वो देख लेंगे वेट करते ह उनका”

प्रीती “बड़ी मुश्किल से पता लगा ह देख तोह लेने दे आखिर ये ह कौन कंही निकल गया तोह प्रॉब्लम हो जाएगी”

जैस्मिन “मम प्लीज वेट करते ह”

पीछे वाली कार मई …

“मुझे पहले हे सक था की ये जरूर इस बार तयारी करके बैठी ह पर इसे नहीं पता ह की वो इसे होशियार ह पिछली बार भी ऐसे हे उलझी हुवी थी और इसबार भी ऐसे हे घूमती रह जाएगी ये कहते वक़्त उसने कॉल मिलाया और बोलै .. “जब्र भाई को बोलना उसके ऑफिस से कुछ दूर रापचिक आइटम खड़ा ह ब्जस कॉलेज का”

कॉल कट होते हे अलग गलियों मई से चार जाने ए और प्रीती और जैस्मिन को घेर लिया…

जैस्मिन “हमारी कार ख़राब हो गयी ह”

आदमी “अपूण तीख हे करने को आया ह मैडम चले या उठके लेकर चालू ऐसी हड़िया रोज ईख करते ह हम”

जैस्मिन “मेरे पापा पुलिस मई ह”

आदमी “ क्या नाम ह”

जैस्मिन “ इंस्पेक्टर असलम खान”

आदमी “ओह्ह तोह भी तुम्हे चलना हे होगा हम तुम्हे कुछ नहीं करेंगे पर क्या ह न भाई तुमसे मिलना चाहते ह अब अगर तुम्हारे बहाने ख़तम हो गए तोह चले या..”

प्रीती “ चलो” दोनों ने एक दूसरे को देखा और अंदर चल पड़ी… ऑफिस के दूर से एंटर होते हे वो दोनों एक बड़े सर हॉल मई पहुंची जंहा 10 12 जाने बैठे हुवे थे…

आदमी “मेरे पीछे औ”

दोनों उसके पीछे पीछे एक ऑफिस मई पहुंची …तोह एक आवाज सामने से आयी… “धन्य हो गया हमारा ऑफिस जो ब्जस कॉलेज की प्रिंसिपल मैडम हमारे ओफ्फिस आयी और ये क्या अपने साथ स्टूडेंट भी लायी ह…

प्रीती “क्या चाहते हो”

जब्र “मैडम आप जानती ह वैसे भी मैं आपसे क्या चाहूंगा मैं लेडीज की फुल रेस्पेक्ट करता हु इसलिए आपको समझा रहा हु की आप मेरे रस्ते मई मत औ वर्ण लेने के देने पद जायेंगे आप मेरे बारे मई अचे से जानती ह”

प्रीती “ धमकी दे रहे हो मैं तुम्हारी धमकियों से डरने वाली नहीं हु”

जब्र “ धमकी की chii.kaisi बाटे कर रही ह आप और वैसे भी तुम्हारा आदमी तोह खुद यंहा से माल लेकर जाता h…bataya नहीं अभी कुछ दिएर पहले हे गया ह… ओह्ह्ह्ह मैं तोह भूल हे गया था आपके पतिदेव तोह आपके पास एते हे नहीं ह”

प्रीती गुसाई से “तुम चाहे कुछ भी करलो मैं जिन्दा हु जब तक तोह तुम्हे College के स्टूडेंट्स को बर्बाद करने नहीं दूंगी”

अब जब्र भी गुसाई मई आगया और बोलै “मैडम निकल जा वर्ण तेरी इस स्टूडेंट का वीडियो बना कर तेरे सामने हे वायरल कर दूंगा समझी”

प्रीती वापस बोलते बोलते रूक गयी और जाने के लिए मोदी तोह जब्र ने उठकर उसे अपनी तरफ खिंचा और गाल पर एक किश कर दी और अपने होठो पर जीब घुमाकर बोलै “ये मेरा टाइम खोटी किया उसकी फीस गाल पर हे ली ह अपन डेन्ट में ह”.

जैस्मिन ने प्रीती को पकड़ा और जल्दी जल्दी बहार आगयी…

प्रीती “ कुत्ता हरामी”

जैस्मिन “मम बोलै था न आपको सब पता था आपको फिर भी आप ऐसी लापरवाही कैसे कर सकती ह इवेंट की डेट पास मई ह और आप”

प्रीती “जैस्मिन आज उसकी सकल दिख जाती तोह आधी मुसीबत की जड़ ख़तम हो जाती इसीलिए अंदर गयी”

जैस्मिन “सॉरी मम पर आपकी एक जल्द बाज़ी ने अब उसको अलर्ट कर दिया ह अब वो हमारे हाथ सेदूर हो गया ह और अब उसे भनक लग गयी होगी की कॉलेज मई उस पर निगरानी राखी जा रही ह और वो अंदर होगा तोह भी चिप गया होगा”

प्रीती “ क्या करू जैस्मिन मेरी लाइफ डेस्टोरी कर दी इस कुत्ते ने”

जैस्मिन “ मम खुद को सम्भालिये”

इधर ये बात कर रहे थे उधर जब्र के सीक्रेट रूम से एक साया बहार आया …

जब्र “ हम्म्म नहीं देखा उसने ”

उस साये ने सर हां मई हिला दिया”

जब्र “तुम पीछे के रस्ते से निकल जाओ”

और उस साये ने अपने फेस को कवर किया और पीछे के रस्ते से निकल गया…

इधर राज भी वापस टैक्सी मई आकर बैठ गया. …और वापस कॉलेजकी तरफ चल दिया …टैक्सी वाले ने जल्दी हे उसे कॉलेज के आगे छोड़ diya….kuch हे दिएर मई जैस्मिन को भी प्रीती कॉलेज के आगे छोड़कर चली गयी जैस्मिन ने टाइम देखा और राज के गेस्ट हाउस की तरफ चल दी उधर राज ने नेहा को कॉल लगा दिया

नेहा “काम चल रहा ह”

राज “छोड़ो तुमसे नहीं होगा तुम माल फूंको पर पहले हे बता देता हु बस गिने चुने दिन ह तुम्हारे पास बस फिर जो होगा उसकी जिमि दार तुम खुद होगी” और कॉल कट कर दिया और नेहा का दिमाग घूम गया उसे दर लगा की अब उसकी कजिन को वो सब बता dega..or उसने कॉल रेट्री किया पर लगा नहीं उसे टेंशन होने लगी …इधर तब तक जैस्मिन गेस्ट हाउस तक पहुंच गयी और दूर नॉक करती हुवी “राज डिनर के लिए चले”

राज “अंदर ाजाओ दूर खुला ह वंहा राज मोबाइल मई कुछ देख रहा था”

जैस्मिन “जैस्मिन वो राज एप्पल का लेटेस्ट मॉडल क्या बात ह कभी देखा नहीं आपको मोबाइल उसे करते हुवे यंहा तोह सिंपल एंड्राइड ह बस”.

राज उसको देखता हुवा बोलै“ ईमानदारी मई यही अत ह समझी …और यही ाचा ह वर्ण तुम्हे सेल्फी से फुर्सत हे नहीं मिलेगी समझी नौटंकी… रूक चेंज करलु फिर चलते ह वैसे कान्हा ले गयी थी मैडम तुम्हे जल्दी जल्दी

मई”

जैस्मिन “ पापा के ऑफिस यानि पुलिस स्टेशन गए ठीकरीत्य के लिए वृत्तेर्न एप्लीकेशन देनी होती ह न वंही से फिर कमिश्नर ऑफिस गए”

राज “हम्म्म काम हुवा”

जैस्मिन जल्दी से “है है हो गया अब चले या और सवाल पूछेंगे आप टिपिकल हस्बैंड बेहेवियर कर रहे हो क्या बात ह कंही सक तोह नहीं ह हो रहा की मैं किसी लड़के के साथ ओह्ह जलन”

राज “हो गयी नौटंकी सुरु चल चलते ह बस याद रखना फालतू के कामो मई मत फंसना और कोई दिकत हो तोह मुझे याद करना ये ले नंबर”

जैस्मिन “वो मोबाइल नंबर भी दे दिया मैं नहीं पत्नी वाली इतनी आसानी से”.

राज “शट उप हमेशा मस्ती nahiii…only इमरजेंसी”

Jasmin”mazak कर रही हु आप मुझे इतने अचे से क्यों ट्रीट करते ह”.

राज “सिंपल तुम मुझे अछि लगती हो”

जड़मिन “हहह”

राज “ोये घुड़सवार अपनेघोड़ो को लगाम दे तुम अछि हो तुम्हारे अंदर लगन दिखती ह कुछ बनने की पाने की समझी”

जैस्मिन साथ चलते हुवे “ थैंक यू थैंक यू ”

तभी जैस्मिन के मोबाइल पर रिंग आने लगी और उसने कॉल अटेंड किया तोह सामने से उसके पापा की आवाज आयी “तुम भी साथ थी मैंने मन किया था न अंदर जाने से”

जैस्मिन “पापा मैं डिनर कर रही हु बाद मई कॉल करू”.

सामने से “तीख ह”

राज “जैस्मिन एक बात याद रखना झूट के पाँव लम्बे नहीं होते ह”

जैस्मिन “ जी”

और दोनों खाना खाने पहुंचे तोह दोनों को आवाज मरली लड़के लड़कियों के ग्रुप ने

जैस्मिन “आप चलिए मैं लाती हु”

राज ने खाना फिनिश किया और वार्डन की तरफ चल दिया जंहा वार्डन ने वेलकम किया…

राज एक बात पुछु

वार्डन “है पूछिए न आप”

राज “ये सारिका जो कॉलेज की गर्ल्स प्रेजिडेंट ह वो कैसी ह”

और ये बात सून वार्डन के चेहरे पर अजीब से भाव आगये और वो बोली ऑफिस मई बात करते ह…

आज के लिए इतना हे …मस्ती मई पढ़ने का और बिंदास लाइक्स और रेवोएस पेलने का…..
 
अपकमिंग अपडेट 239

ों तोम्मोरोव

मून नाईट...
 
अपडेट 239

मून नाईट…

वार्डन “ राज सर यंहा जैसा आप सोचते ह वैसा कुछ नहीं ह सबके अपने गहरे राज़ ह. कौन अपना ह कौन पराया आप फर्क भी नहीं कर पाएंगे …यंहा ड्रग्स का बिज़नेस इतनी आराम से चलता ह की जुनागरघ मई भनक सबको ह पर बोलता कोई नहीं ह …और इस कॉलेज मई भी ऐसा हे h…teacher स्टूडेंट कोई भी सप्लायर हो सकता ह वो आपके पास होगा पर आपको भनक भी नहीं lagegi…aur रही बात सारिका की तोह वह यह के एक आमिर बिज़नेस में की लड़की ह जिसने पैसे के बलभूते इलेक्शन जीता h…wo सिंपल दिखती ह पर उसके साथ मैंने कई बार बहार के कॉलेज के लड़के लड़किया देखे ह जिनकी हरकते तीख नहीं लगती ह मुझे…

राज “हरकते…”

वार्डन “ है वो अक्सर हॉस्टल मई भी कई बार नाईट मई अति ह और ड्रिंक भी करती होती ह और मोबाइल पर बहुत बार लाइन डैन की बाते करते सुना ह बाकि आप समझते हे h…bus उसने हॉस्टल मई गलत नहीं किया तोह मैंने भी उसे कुछ नहीं कहा आज तक”

राज “ ओह्ह्ह… थैंक यू काफी टाइम हो गया ह मैं जाता हु”

वार्डन “जी” और राज को बहार तक साथ छोड़ने आयी और बोली “संजू का कॉल आया था बोल रही थी उसकी सैलरी लाखो मई हो गयी ह सब आपकी वजह से हुवा ह आपका ये अहसान कभी नहीं भूलूंगी main”aur अपने हाथ जोड़ दिए

राज “ अरे अरे ये क्या कर रही ह आप ाचो के साथ ाचा हे होता ह उसे बोलियेगा बस मन लगाकर काम करे कभी जाना हुवा तोह उस साई जरूर मिलूंगा गुड नाईट” राज वापस निकला तोह उसे हॉस्टल की तरफ पीछे से एक साया ऊपर से निचे उतरता मज़ार आया …

राज “अब ये कौन ह जो निचे उतारकर इतनी रात को जा रहा ह वो भी गर्ल्स हॉस्टल से” इतना कह वो भी धीरे धीरे छिपकर साये की तरफ जाने लगा..

इधर वो साया निचे उतरा और चारो तरफ देखने के बाद एक तरफ आगे बढ़ने laga….kuch हे दिएर बाद वो साया बॉयज हॉस्टल की तरफ जाने लगा…

राज “हम्म कुछ तोह गड़बड़ ह राज”

उधर वो साया बॉयज हॉस्टल से कुछ दूर महेंदी के पौधो के पीछे चिप गया और वेट करने लगा… तोह राज भी कुछ दूर पहले हे चिप गया पर उसे वंहा से साफ़ दिखाई दे रहा था तभी हॉस्टल की तरफ से एक साया और सर पर कैप पहने हुवे आया जिसका चेहरा नहीं दिखाई दे रहा tha…aur वो भी तीख उस पौधे के आगे रूका जंहा दूसरा साया छिपा हुवा tha…aur वो भी पौधे के पीछे चला गया…

साया नाराजगी से “क्यों बुलाया ह मुझे”

सामने से “इतनी अकड़ लगता ह दोसे नहीं चाहिए”

साया नरम पड़ते हुवे “क्या चाहिए”

सामने से “मैं तोह तुम्हारे साथ हर रात रंगीन करना चाहता हु”

ये सुनते हे पहले साये ने हाथ उठाया तोह सामने से दूसरे वाले साये ने पकड़ लिया और बोलै “न न ये गलती मत करना पहले का पैसा भी बकाया ह और अब तुम्हे और चाहिए ह इसलिए या तोह मेरी बात माननी होगी या पेमेंट देनी होगी समझी”

साया “ मैं पेमेंट कर दूंगी”

सामने वाले “ाचा तोह कर …” फिर 2 मिनट रूक कर “क्या हुवा नहीं ह” फिर उसने पुड़िया निकली और बोलै “ये रही पैसे दे या फिर” उसके गाल को सहलाते हुवे “मेरी बात मन जा मेरी जान और माल मिलता रहेगा और मुझे जो चाहिए वो मिलता रहेगा”

साया सोच मई पद गया और कुछ नहीं बोलै toh…….samne वाले ने कहा “मैं कौन हु तुम जानती हो ये आज एक आखिरी बार सिर्फ तेरे लिए और दे रहा हु मेरी बात मन le…tu मुझे खुस रख और मैं तुझे खुस रखूँगा और पुड़िया उसकी तरफ उछाल दी और है अगली बार पेमेंट या फिर समाज गयी न ”

साये ने भी जल्दी से पुड़िया पकड़ी और उसे एक हे बार मई एक पूरी हैवी दोसे सूंग ली और उसका दिमाग अलग हे दुनिया मई जाने लगा और वो चुप चाप वापस चल diii…piche खड़ा वो शख्स हँसते हुवे “भावेश नाम ह मेरा तेरी जैसी कितनी हे निचे आयी ह अब तू भी निचे आएगी और तेरी छूट और गांड को ऐसे फाड़ूंगा की दिन रात सिर्फ मैं हे मैं दिखूंगा तुझे मेरी जान” इतना कह वो हॉस्टल की तरफ आगया और वार्डन जो उसका हे आदमी था उसने कुछ भी नहीं कहा और न पूछा बस सलाम ठोका और जाने दिया…

हॉस्टल मई फुस्पेंद्र “ जो एक लड़की को घोड़ी बनाकर पीछे से छोड़ रहा था और लड़की तेज़ तेज़ सिसकारियां ले रही थी उसकी सिसकारियों के जोश मई अत हुवा फुस्पेंद्र भी नंगा पुरे जोश मई उसके बालो को एक हाथ से पकड़ कर और दूसरे हाथ से उसकी नागि गांड पर थपड मारते हुवे पूरी तेज़ी से धक्के मर रहा था उसने दूर खुलते देखा तोह छोड़ते हुवे हे पूछा क्या हुवा सर”

भावेश “ बस कर बस कितना छोड़ेगा चल पेग बना” फिर लड़की की तरफ देख कर इसे इधर भेज”

फुस्पेंद्र ने भी लड़की की छूट मई एक आखिरी तेज़ झटका मारा और अपना लुंड निकल लड़की को सीधा कर बैठाया और भावेश की तरफ भेज दिया ….लड़की घुटने के बल फर्श पर चलते हुवे उसकी तरफ आयी तोह उसकी गांड के छेद से फुस्पेंद्र का वीर्य निकलता हुवा साफ़ दिख रहा था…

भावेश “भोस्डिके कब से छोड़ रहा ह”

फुस्पेंद्र कामिनी मुसकासन के साथ “वो सर साली कड़क माल ह छोड़ते हुवे क्या सिसकारियां लेती ह पता हे नहीं ह कितनी बार छोड़ चूका हु जितनी बार देखता हु खड़ा हो जाता ह”

भावेश “मुस्कुराते हुवे अपनी जीप खोल अपना लुंड निकल उसके सामने कर दिया और लड़की ने भी भी बे झिझक उसके सोये हुवे लुंड को सहलाना और चूसना सुरु कर दिया …

भावेश “1 साल तक इसने बहुत तड़पाया फर्स्ट ईयर मई आयी थी तभी पसंद आगयी थी पर बस नखरे दिखती थी बस एक बार इसे नशे की लत लगवा दी धीरे धीरे कॉफ़ी मई मिलवाकर और अब देख सील भी तुड़वाई और आज नंगी हे रूम मई दो दिन से चुद रही ह बस सबसे जायदा इसकी गांड मरने मई मजा आया जब ये चीक रही थी और मेरा लुंड इसकी गांड की सील तोड़ रहा था”

फुस्पेंद्र “मुझे भी गुरुदेव बस अब एक बार नेहा काबू मई अजय वो इस साई भी कड़क ह मैं तोह उसकी राइडिंग भी फुल दोसे के साथ करूँगा क्योकि मन हे नहीं भरेगा2 3 राउंड मई तोह ”

भावेश मुस्कुराते huve“ayegi आएगी वो भी ayegi…par तू नहीं उसकी घुड़सवारी पहले मैं करूँगा ”

फुस्पेंद्र “पता ह आपका दिल ह उस पर मैं इंतज़ार कर लूंगा रंडी साली बड़ी भाव कहती h…par ह कुंवारी ये सूरे ह”

भावेश “ अरे चूतिये भाव तोह वो निशा कहती h…kuch भी हो फुस्पेंद्र मैं दावे से कह सकता हु वो ठंडी तोह बिलकुल नहीं होती होगी बस आग ह आग wo….uske अंग का हर हिस्सा जैसे सांचे मई ढला हुवा हो बिलकुल पारी की tarah…usai देखते हे निचे से पानी टपकने लगता ह बस एक बार निचे अजय तोह सहद की तरह सारा निचोड़ डालूंगा और उसकी जवानी की आएग को अपने पानी से भुजङ्गा दिन रात”

फुस्पेंद्र “ इस बार यही तोह होना ह …प्लानिंग पूरी ह न सर बस चेले का भी धयान रखना”

और फुस्पेंद्र ने अपना पेग भावेश के पेग से टकरा diya…aur भावेश निशा के साथ सेक्स के खुली आँखों से सपने लेता हुवा अपना लुंड चुसवाने laga…aur चुसवाते हुवे हे सारा पानी चूस रही लड़की के मू मई छोड़ दिया…

इधर वो साया सुरूर मई मस्त होकर पुड़िया को हाथ मई रख नाक से खींचते हुवे कुछ दिएर बाद हॉस्टल की तरफ चलने लगा तोह सामने उसे कोई खड़ा दिखाई दिया …और वो घबरा गया पर कुढ़ को संभलकर आगे बढ़ा ….राज जो उसके सामने खड़ा था वो बोलै “कौन हो तुम और गर्ल्स हॉस्टल मई क्या कर रहे थे”

उस साये ने खतरा महसूस कर पुड़िया को एक हाथ मई दबा लिया और“ जल्दी से एक तरफ भगा तोह राज भी उसके पीछे पीछे भगा और कुछ हे दिएर मई उसको पकड़ लिया …

साया “छोड़ो मुझे”

राज उसके मू पर बंधा कपडा हटते huve…tum..

तभी वंहा चलने की आवाजे आयी तोह राज ने उस साये के एक हाथ को पकड़ उसी के मू पर रख दिया और दूसरे हाथ को उसकी पीठ के पीछे करके एक पेड़ के पीछे चिप गया….

राज उसकी आँखों मई देख“ फंस गयी तोह जिंदगी बर्बाद हो जाएगी इसलिए चुप रहो” उस साये ने भी कोई रिएक्शन नहीं दिया और चुप rahi…tabhi वंहा एक चौकीदार आया और बोलै “आवाज तोह यही से आयी thi….par कोई दिख क्यों नहीं रहा ह उसने टॉर्च चारो तरफ मरी और जब कुछ नहीं दिखा तोह वहां का सोचकर वापस चल diya…uske जाते हे राज ने हाथ हत्या तोह उसने देखा की वो लड़की तोह पुरे नशे मई चली गयी थी और उसके हाथ मई पुड़िया थी जो खली सी हो गयी थी”

राज “ तुम यंहा क्या कर रही हो और ये क्या हाथ मई” उसने उसे सूंग कर देखा तोह उसकी आंखे फ़ैल गयी और बोलै “ तुम ड्रग्स लेती ho…bola था फँसोगी एक दिन”

लड़की “तुम क्या समझोगे मस्त मज़ा ारः ह”

राज “ ये फंस जाएगी अगर इसे यंहा छोड़ा तोह और अब तोह भी नहीं ह पूरा isai…warden मम के पास छोड़ du…are नहीं वंहा किसी ने देख लिया तोह बवाल हो जायेगा और गेस्ट हाउस ले गया तोह सुभे सुभे जैस्मिन या शालिनी या फिर खुद प्रिंसिपल भी आसक्ति ह क्या करू …” कुछ दिएर बाद सोचकर “देखि जाएगी यंहा छोड़ा तोह पका काण्ड कर देगी ये” इतना कह उसने उसे गोदी मई उठाया और जल्दी जल्दी चल दिया…

लड़की ड्रग्स के पुरे सुरूर mai“uske गाल को सहलाती हुवी मुझे पता ह तुम मुझे चाहते ho…..main किसी और की होने से ाचा ह तुम्हारी हो जाऊ…” इतना कह उसने राज को चुम लिया…

राज “ चुप रह जब संभालता नहीं ह तोह नशा क्यों करती ह मैं भी न कान्हा दीवार से सर मार रहा hu…pata नहीं नशा क्यों करती ह इतना फिर ”अब कौन समझाए राज को की उस साये ने तोह छोटी दोसे हे ली थी बाकि तोह खुद उसने हे उसके मू पर हाथ रख उसे दी थी

लड़की “ नशा नशा तोह ह हे सबको मेरा सबको मेरे जिस्म का सबको मेरे साथ सोना ह सब सेक्स के भूखे ह पर तुम अचे हो मुझे अपनी बांहो मई लेकर जा रहे हो तुम मेरे खव्बो के राजकुमार ho”ab उसे और नशा चढ़ने लगा और वो एक अलग हे दुनिया मई घूमने लगी पूरी तरहउसका दिमाग उसकी बनायीं सपनो की दुनिया मई झूमने लगा

राज “अरे चुड़ैल मैं हु कौन तुझे ये भी पता h….a”

लड़की गाल चूमकर “ तुममम तुम राजकुमार नहीं मेरे बाबू ho…haa.. मेरे बाबू हो”

राज मन मई “ बस baabuuu.bus यही रह गया था सुन्ना बाबू shona..ye भाई बहन शनि ह मेरी कुंडली मई उस कमीने के आईडिया और उसकी बहन चुड़ैल ऋचा का ये कनेक्शन हेल्प नहीं आफत जरूर ला देगा मेरे लिए अगर ये उसकी नोन की कजिन नहीं होती तोह यही फेंक देता हत्तत्त बस जिंदगी झंड कर राखी ह दोनों भाई बहनो ने”

लड़की “ बाबू क्या हुवा ….बाबू को मैं सुलाउंगी अपनी बांह mai…dudu पियेगा मेरा बाबू दुधु पियेगा न बोलो”

राज की ये सून आंखे चौड़ी हो गयी… और बोलै “ दुद्दू पियेगा…”

लड़की “ देखा मेरे बाबू को मेरा दुद्दू पीना ह इतना कह वो गॉधी मई हे अपने टॉप के बटन खोलने लगी तोह राज की फैट gayiii…aur वो जल्दी से अपने गेस्ट रूम मई पंहुचा और लड़की को बीएड पर लेता कर पीछे की विंडो ओपन करि और कुढ़ कर आगे से मैं दूर बहार से लॉक कर फिया ताकि सुभे सबको लगे राज बहार ह और वापस पीछे विंडो से अंदर आकर “थैंक god…ab रात तक सब तीख ह किसी ने नहीं देखा ”

अभी वो अपनी सोच मई हे था की तभी एक टॉप उसकी तरफ उठता हुवा आकर उसके सर पर गिरा और उसने टॉप को हाथ मई लेकर देखते हे फटी आँखों से लड़की की तरफ देखा जो ऊपर से बिलकुल नंगी thi…uske कैसे हुवे निप्पल और गोल गोल टाइट बूब्स परफेक्ट शाप मई दिख रहे the…raj एक पल तोह बूब्स को देखता हे रह gaya…aur गले मई ए थुक्को निगला और उसके पास आया…

लड़की क्यूट सा फेस बनाकर“ औ na…mera बब्बू दुद्दू पिलाती हु…”

राज “ नेहा…”

लड़की जो की नेहा थी “ कौन नेहा मैं तोह बब्बू की जान हु” इतना कह वो राज की तरफ बड़ी तोह राज पीछे हटने लगा

नेहा “ औ न बब्बू अपनी जान के पास दुद्दू पिलाती हु”

राज “ बस कुछ तोह गड़बड़ ह इसे तोह नशे मई बेसुध हो जाना चाहिए था फिर कैसे इसकी ये हालत h….usne पुड़िया जो नेहा से ली थी उसे निकला और एक बार सुंगा तोह उसे कुछ पल तोह कुछ महसूस नहीं हुवा और फिर आंखे मई हैरानी लेकर बोलै “ये तोह गड़बड़ हो गयी इसमे ड्रग्स के साथ सेक्स ड्रग्स की भी लौ दोसे ह मतलब कोई चाहता था की नेहा को इस स्पेशल ड्रग्स की लत लग जाये और उसे ये ड्रग्स उसी के पास हे मिले मतलब वो नेहा के साथ सेक्स करना चाहता ह और ये इडियट भी लगभग फंस भी चुकी ह मतलब मैंने जो कहा था वो सच कहा था”

इधर नेहा ने राज को लड़खड़ाते हुवे पकड़ लिया और उसे खींचकर बीएड पर अपने साथ अपने निचे गिरा लिया

नेहा “बब्बू कान्हा भाग रहे हो ”

राज अपनी आँखों के आगे नेहा के पेटफेक्ट गोल शेप बूब्स को देख दुबारा उन्हें ध्यान से देखने लगा उसके दिमाग मई घंटिया बजने लगी तोह नेहा “ बब्बू तुम्हारे हे ह देख क्या रहे हो पियो न ” ये कह उसने अपना एक बूब के निप्पल को राज के होठो पर लगा दिया …राज के होठ खुद बा खुद खुलने लगे और उसने अपने होठो को खोल उसके कड़क निप्पल को अपने हाथो मई ले लिया और उसका एक हाथ खुद बा खुद नेहा की नंगी पीठ पर चला गया और उसपर घूमने laga…apne बूब्स पर एक मर्द का गरम अहसास पाते हे नेहा ने एक तेज़ सिसकारी ली और बोली “ ssshhhh…baabuu चूस लो बहुत पारेषण कर रहे ह” राज का दूसरा हाथ उसके टाइट हो चुके दूसरे बूब के ऊपर खुड़बा खुद आगया और उसे सहलाते हुवे धीरे धीरे दबाने लगा और राज के दो तरफा मरदाना अहसास से नेहा का रोम रोम तड़पने लगा और मू से हलकी हलकी सिसकारियां निकलने लगी…. “Ssshhhh…..ssshhhhh babu…pi लो सारा दूध पिलो ये तुम्हारे हे ह निचोड़ डालो बाबू ..

ऊऊफफफ बाअबूउउउ तुम्हारे hothhh…raj ने उसके दूसरे निप्पल को पकड़कर धीरे धीरे मसलना सुरु किया तोह नेह के रोम रोम मई वासना की लहरे उफान मरने लगी और वो राज के बालो को जोर से सहलाते हुवी राज को अपने बूब्स चुसवाने लगीई राज ने अब उसके दूसरे बूब को अपने मू मई ले liya….aur चूसने लगा नेहा बीएड पर लम्बी लम्बी सिसकारियां लेती हुवी मदहोशी मई तड़फड़ाने lagii…….aur उसने राज की टी शर्ट को फाड़ना सुरु कर दिया …राज भी अब नेहा की मादक सिसकारियों से जोश मई आचुका था उसने भी खड़े होकर अपनी टी शर्ट उतर दी राज के बदन को धुंधली आँखों से देख नेहा ने लेते हुवे हे अपने बूब को मसलते हुवे boli..baabuu…ao न अपनी जान के पास मुझे अपने बदन से थक लो मुझे प्यार करो …

राज उसके ऊपर झुका हे था की नेहा ने उसे निचे गिरा दिया और खुद उसके ऊपर आकर उसके जिस्म को चूमने लगी …नेहा के होठो के अहसास से राज भी गरम हो गया सुर उसका लुंड लोअर मई टाइट खड़ा होकर तम्बू बन गया और उसका हाथ नेहा की कासी हुवी गोल गांड पर चला गया और उसे उसने जोर से दबा diya…neha भी सिसकारी लेती huvi…raj के होठो को अपने होठो मई जकड लिया और बेदरडीई से चूमने चूसने लगी…

राज ने उसे कमर से पकड़कर एक झटके मई अपने निचे ले लिया ..नेहा की साँसे जोर जोर से चल रही थी और आंखे खुल और बंद हो रही thi…aur उसकी सांसो के साथ उसकी छाती ऊपर निचे हो रही थी…

“औ न बाबू प “ और उसे अपने ऊपर ले दुबारा चूमने lagi…raj अब पूरा गरम हो गया और उसने अपना एक हाथ चूमते हुवे हे नेहा की लोअर मई घुसा diya…aur सीधा उसकी छूट को अपने हाथो से पकड़कर मसल दिया …अपनी छूट पर हुवे इस अहसास से नेहा ने राज को कसकर गले लगा लिया और लिप लॉक कर किश करने lagi….raj ने जैसे हे उंगलिया उसकी छूट की दरारों पर लगायी उसकी उंगलिया नेहा के पानी से पूरी भीग गयी …उसकी ऊँगली दरारों से रगड़ती हुवी थोड़ी ऊपर आयी तोह …नेहा ने होठ छोड़ दिए और आंखे बांड करके लम्बी लम्बी सने लेती हुवी सिसकारी लेने lagi…raj ने दुबारा से उसके एक निप्पल को अपने मू मई ले लिया और दांत से काट liya…aur नेहा बीएड पर बिन पानी की मछली की तरह तड़फड़ाने लगी … राज उसके निप्पल को चुस्त रहा और निचे उसकी उंगलिया दरारों से पर रगड़ें देती हुवी हुवी छूट के दाने पर agayii…upar राज की आँखों मई नेहा की गीली छूट के अहसास से वासना की चमक दिखने लगी और उसने अपने अपनी उंगलियों से जैसे हे दाने पर रगड़ें di…neha…issssshhhhh…babuuu…issshhhhh…babuuu…ki सिसकारियां लेने lagi….aur खुद बा खुद हे अपनी लोअर को निकल diya…raj की नज़र निचे गयी तोह सिर्फ अब एक ब्लू कलर की पंतय बची थी जिसे राज ने निकल निकल फेंका …लाइट के उजाले मई अब नेहा बिन पानी की machli.ki तरह बीएड पर नंगी लेती हुवी मचल रही थी और लम्बी लम्बी सिसकारी ले रही thi…us पर वासना पूरी तरह सवार thi…raj नेहा की नंगी छूट जिस पर एक भी बाल नहीं था उसे देखते हुवे अपने हाथ से सहलाया और छूट पर गर्शन मिलते हे नेहा की छूट और पानी छोड़ने लगी और उसने जो बीएड शीट को बुरी तरह पकड़ रखा था उसे छोड़ हाथ राज की लोवेरपर चला गया और उसने राज की लोअर इतनी तेज़ी से निचे खींची की अंडरवियर भी साथ निचे हो gayiii…aur राज का लुंड जो अब पूरी तरह एनाकोंडा बन चूका था नेहा के सामने agaya….aur उसने उसे अपने हाथो से पकड़ liya…aur आगे पीछे कर सहलाने लगी अपने एनाकोंडा पर कोमल स्पर्श पाते हे राज ने भी नेहा की छूट पर जल्दी जल्दी रगड़ें dii…neha के लिए अब सहना बहार हो गया था उसने राज के लुंड को आगे पीछे करते हुवे कहा

“बाबू अपनी जान को मून नाईट मई प्यार करो खुले आस्मां के niche……sirf तुम और मैं ….वाइल्ड कैट और तुम मेरे हंटर…”

राज के चेहरे पर मुस्कान आगयी और वो उसे नंगी हे गोदी मई लेकर गेस्ट हाउस के पीछे बने यार्ड मई ले आया जंहा गद्देदार घास निचे लगी हुवी थी और फूलो की भीनी भीनी खुस्भु फैली हुवी थी…. नेहा की निघाये राज की बांहो से ऊपर आसमान तक गयी राज ने उसे निचे लेता दिया “ बाबू ”

राज ने उसे बोलने हे नहीं दिया और उसे दुबारा से चूमने laga…aur चूमते हुवे हे अपनी एकङ्गली उसकी छूट की दरारों मई घुसा diii….jiske दर्द और मीठे अहसास से उसने राज को अपनी बांहो मई समां लिया…

राज की ऊँगली के अंदर बहार होने से नेहा अपने पैरो को हिलने लगी उसकी बर्दास्त से अब बहार होता जा रहा था और उसकी छूट लगातार पानी छोड़ते जा रही थी उसने राज को धोखा दिया और राज के लुंड की तरफ आगयी पर राज अब वाइल्ड कैट के सीकर पर आगया था …उसने नेहा को वापस घास पर लेता दिया और खुद उसकी टैंगो के बिच आगया… “जान अब जंगली बिल्ली का सीकर होगा अब देख अपने बाबू के एनाकोंडा का सीकर ”

नेहा हवस मई पागल हो कर भूल गयी थी की आज ऊँगली की जगह उसे क्या मिलने वाला था क्योकि राज का हथियार उसकी ऊँगली घुसी हुवी छूट का क्या करने वाला था…

नेहा अपनी नशीली आँखों से राज की तरफ देखने लगी ..ऊपर राज जो उसकी टांगो के बिच मई अपने एनाकोंडा को लिए उसकी नंगी झांग से रगड़ें देते हुवे उसकी छूट की तरफ अपना लुंड लेकर जाने लगा …और निचे लेती नेहा सिसकारियां लेने लगी……

राज ने अपने लुंड को उसकी छूट पर निचे से ऊपर तक एक रगड़ें दी तोह … नेहा का रोम रोम सिहर गया… “ बाबू डालो न कितना तड़पाओगे please…apni जंगली बिल्ली का सीकर करो न”

राज की आंखे चमक उठी और बिना वक़्त गंवाए उसने लुंड को छूट के छेद पर लगाया और उसके ऊपर झुकता चला gaya……uske सरीर के निचे नेहा पूरी तरह धक् गयी बस दिख रही थी तोह बस उसकी खुली गोरी नंगी टंगे

राज “आज के बाद तुम इस बाबू के नाम की माला झपोगी”

“हां बाबू प्यार करो बाबू”

राज की आँखों मई चमक आगयी उसे पता था की क्या होना ह उसने उसके दोनों हाथो को अपने होठो मई ले लिया और अपने होठो को उसके होठो से मिला दिया और एक अपनी कमर उठाकर एक जोर का झटका मारा …और नेहा को हुवा तेज़ dard…niche राज के लुंड का सिर्फ गुलाबी हिंसा हे छूट मई घुस पाया …राज ने बिना रुके एक और झटका मारा …और नेहा की छूट की दरारों को फाड़ता हुवा लुंड और अंदर घुसा तोह नेहा को थोड़ा होश आया की वो सपना नहीं देख रही ह ये हकीकत ह …और वो दर्द से बिलबिलाने lagi…kuch पल उसके ड्रग्स का नशा हल्का हो gaya…par राज जो आप अपने निचे उस जंगली बिल्ली को ले चूका था अब वो कान्हा अपने सीकर को छोड़ने वाला था उसने एक और धक्का मारा तोह अबकी बार नेहा की दरारों से खून रिस पड़ा …राज ने लगातार तीन झटके एक के बाद एक जोर से मरे और पूरा लुंड नेहा की छूट मई घुसा दिया निचे नेहा बेसुध हो गयी दर्द से…

राज “लुंड नहीं ह मेरी जंगली बिल्ली ये एनाकोंडा h…tu मुझे पसंद आयी …”

राज की बाते नेहा ने सुनी या नहीं राज को नहीं पता tha…ab राज उसके बूब्स को धीरे धीरे चूसना और मसलना सुरु किया और हलके हलके झटके मरने सुरु किये तोह निचे पड़ी नेहा भी कुछ दिएर बाद अपनी आँखों खोल दर्द से मजे की तरफ जाने लगी…. ड्रग्स ने दुबारा अपना असर सुरु कर दिया“ ओह्ह babbuuu……bahut मज़ा ारः ह प्लीज फ़क में फ़क में मोरे दीपर फ़क में बाबू फ़क me…”aur जब नेहा पूरी तरह झटको से मज़े से सिसकारियां लेने lagi…Raj ने नेहा को देखा और वो बोलै “सीकर तोह अब होगा मेरी जान…” और वो खुद घुटनो पर बैठ गया और नेहा को अपनी गोदी मई बैठा लिया और उसकी गांड को पकड़कर थोड़ा ऊँचा किया और दिया निचे से झटका …और नेहा की दरारे और फैट गयी वो चीक भी नहीं पायी क्योकि राज उसके होठो को अपने होठो से जकड़े हुवा था …वो बस घू घू करती रह गयी और राज उसे निचे से ताबड़ तोड़ लगातार झटके देता रहा….. “बाबूउ आअह्ह्ह बाबू ….आअह्ह्ह बाबू फैट गयीईइ मेरी फ़क में हर्डर baabuu….ahhh..ahhhh…babbuu फैट गयी मेरी और फेडो फ़क फ़क फ़क अह्ह्ह्हह्हह बाबू मज़ा ारः ह”

राज ने उसे उल्टा किया और घुटने मोड़कर झुका दिया..

नेहा झुकी हुवी “डोगग्य स्टाइल बब्बू ी लिखे आईटी …के ों बब्बू फ़क योर बीच फ़क मोरे हर्डर ”

राज के सामने नेहा की गांड थी जो खुली चाँद की रौशनी मई राज को पागल बना रही थी राज ने अपने लुंड को उसके छेद पर लगाया …और उसकी कमर को पकड़कर झटका mara…neha “aaahhhhh…..karti हुवी आगे गिरने को हुवी पर राज ने उसकी कमर को कसकर पकड़ रखा था…. “ बब्बू छोड़ो छोड़ो बब्बू अपनी बीच को छोड़ो ……. Ahhhh….iiisssshhhh…aaahhh babuuuu…ride में बब्बूउ …फाड़ डाली तुमने …मेरी बाबू..

राज उसकी मादकभारी आवाज से और जोश मई आगया और अब पीछे से अपने लुंड के इतने तेज़ ढके देने लगा की नेहा की तेज़ सिसकारियां निकलने लगी और बोल हे नहीं प् रही थी और छूट मई लुंड के ताबड़ तोड़ झटको से उसकी छूट पानी छोड़ने लगी और कुछ मिनट बाद उसकी झंगे कांपने लगी वो मदहोशी और मज़े से अपने चरम की तरफ जाते हुवे बोली “फ़क में…. आअह्ह्ह्हह अह्ह्ह फ़क में आअह्ह्ह्ह ी म किंग ी म किंग ओह माय गॉड ओह माय god…aaahhhh aahhhhhh……i म किंग बाबू …. aahhhhhh….aur राज के झटके रुके तोह उसका पूरा सरीर कांपने laga…aur छूट की दरारों से खून और पानी रिसने लगा

राज “अभी मेरा नहीं हुवा” और उसने बहार यार्ड मई बानी बेंच पर उसे सीधी लेटाया और उसकी टैंगो को अपने कंधे पर रख लिया और आगे झुक उसके होठो को चूमते हुवे कंधो को पकड़ जोर से झटका mara…aur लुंड सीधे उसकी बचे दानी तक घुस गया….

नेहा “ aahhhhhh…meri बचे दानी”

पर राज बिना सुने झटके मरने सुरु किये तोह नेहा 5 मिनट बाद दुबारा गरम होने lagi…raj ने एक हाथ से उसके बूब्स को मसलना सुरु कर दिया और अब नेहा भी बराबर साथ देने लगी अब राज ने उसे अपनी गॉधी मई उठा लिया उसके हाथ उसकी गांड पर थे और लुंड छूट मई धंसा हुवा था …उसने नेहा को थोड़ा ऊँचा किया और फिर निचे से ढके मरने सुरु कर दिए …नेहा पर अब उसकी ड्रग्स दोसे का पूरा असर था वो सब भूल चुकी थी और बस सिसकारियां लेती हुवी राज की गोदी मई उछाल उछाल कर चुद रही thi…ab राज ने उसे दीवार के सहारे उल्टा खड़ा किया और टैंगो को फैला कर उसके पीछे आगया और पीछे से लुंड एक झटके मई घुसकर उसके बाल पकड़कर छोड़ने लगा ………नेहा दीवार के सहरे कड़ी मस्ती से सिसकारियां लेती हुवी चुदती rahi…aur जब उसका निकलने वाला हुवा तोह वो ..सिसकारियां और तेज़ लेने lagii…par राज ने अपना लुंड बहार निकल लिया और उसे सीधा कर उसकी एक टांग अपने हाथ मई उठा ली और अपना लुंड उसकी छूट मई घुस diya…ek हे झटके मई लुंड के घुसने से ने उसकी टाइट छूट जा थोड़ी सी रह गयी थी पूरी तरह खुल गयी और दर्द से आआह्ह्ह्हह निकल गयी पर आज ड्रग्स के नशे मई उसे सिर्फ मज़ा ारः tha…usne राज की गांड को कसके पकड़ लिया और राज को किश करती हुवी छोड़ने lagiiii…kuch पल बाद हे वो फिरसे चढ़ने लगी…..

राज “ अभी नहीं मेरी जंगली बिल्ली अभी नहीं”

और उसे उठाकर अंदर बिस्तर पर ले आया और सीधे लेता कर एक बार फिर उसकी चुदाई सुरु कर डीई…. 3 घंटे नेहा को राज ने हर तरीके से हर जगह छोड़ा … और उसकी नज़र जब नेहा की टाइट गांड पर गयी तोह …उसके लुंड ने दुबरी सलामी ठोकनी सुरु करदिया पर जब उसकी नज़र नेहा पर गयी जो बेसुध सी पड़ी थी उसने अपना लुंड उसकी छूट मई दाल दिया और छोड़ने लगा …और कुछ दिएर बाद अपने लुंड का पानी उसके बूब्स पर गिरा दिया और कुढ़ भी उसके बगल मई लेत गया और बोलै… “ सच मई तुम जंगली बिल्ली हो मुझे बहुत मज़ा आया तुम्हारे साथ “ये कह उसने उसके होठो को चूम लिया और टाइम देख कुछ दिएर अलार्म भर कर सो गया…

सुभे 8 बजे….

नेहा की आंखे खुली… तोह उसे खुद का सर भरी laga…aur जैसे हे अपनी टंगे हिलायी दर्द से उसकी घुटी घुटी सी चीक और दर्द की लहार पुरे सरीर मई चल गयी और हुवा उसे तेज़ दर्द उसने दर्द को कुछ दिएर बिना हिले डुले नार्मल होने दिया फिर इधर उधर देखा तोह एक नोट लगा हुवा था साइड मई“ चेक योर मोबाइल”

…और उसने इधर उधर देखा तोह उसका मोबाइल टेबल पर पड़ा हुवा था… उसने कैसे भी मोबाइल उठाया और मोबाइल को अनलॉक किया तोह एक नोटिफिकेशन था उसने उस पर क्लिक किया तोह एक वीडियो दिखा और वीडियो खोलने के बाद जैसे जैसे वो आगे देखती गयी उसकी आंखे चौड़ी हो गयी और खुद बा खुद अपने खुले हुवे मू पर चला गया…

नेहा “ये ये क्या हो गया ये मैं नहीं हु”

उसने निचे देखा की एक वौइस् मैसेज भी आया हुवा ह उसने उसपर तब किया तोह प्ले हुवा. “ बाबू की वाइल्ड कैट …सच मई बहुत वाइल्ड हो खासकर एक राउंड के बाद तोह तुम सच मई वाइल्ड हो गयी थिई मज़ा आया ..ये वीडियो सेफ ह मेरे पास घर मई रहो बहार निकली तोह बुरी तरह फंस जाओगी शाम को मिलकर बात करते ह और है अपनी फ्रेंड को मैसेज कार्डो की लेट aungi…baki सब तुम पर ह …ये इसलिए कह रहा हु क्योकि तुम्हारी हालत तीख नहीं ह चलने के लिए बहार लड़खड़ाते हुवे चली तोह लोग समाज jayenge..isliye साइड मई पैन किलर राखी हुवी ह उसे लो और ब्रेकफास्ट या लंच पास मई रखा सब वही ह उसे करो और रेस्ट karo…aur है होशियारी करि तोह प्रॉब्लम तुम्हे हे होगी मेरी जंगी बिल्ली …और है शोरे मत मचाना वर्ण सब आजायेंगे और फिर तुम वायरल गर्ल बन जाओगी”

नेहा अपने सर पर हाथ मरती हुवी “कुत्ता साला ये तोह राज ह नई टीचर धारकी साला …हे भगवन ये क्या कर दिया मैंने क्या ये सच मई मैं हु और ये क्या बाबू बाबू चिल्ला रही thi...par कब मुझे तोह कुछ याद भी नहीं और मैं हु कान्हा पर पहले तेज़ बाथरूम ारः ह कैसे जाऊ जाना तोह पड़ेगा और क्या मैं नंगी हु …कुत्ता साला जाना तोह पड़ेगा ईई ” वो धीरे धीरे इधर उधर बाथरूम को ढूंढने लगी और बहार आयी और एक दूर की तरफ गयी और वो बाथ रूम हे nikla…wo वेस्टर्न कॉम्बैट पर बैठी और जैसे हे सुसु किया हुवी उसे तेज़ जलन और तेज़ चीक न निकल जाये इसलिए अपने मू पर हाथ रख liya…aur chillayii…phir राज को गालिया दी और सहारा लेकर कड़ी हुवी और शीशे मई अपनी फुद्दी को देखा तोह रोनी आवाज मई बोली “अहह क्या हालत हो हाई ह मेरी छोटी सी जान की कितनी फूली हुवी ह… कुत्ता साला कमीना इस राज भोस्डिके तुझे छोडूंगी नहीं तेरी गांड मैं मरूंगी ..क्या हाल कर दिया मेरी नाज़ुक काली का तेरा काट डालूंगी छोडूंगी नहीं तुझे ”वो गालिया देती हुवी धीरे धीरे बीएड की तरफ जाने लगी और उसे कुछ याद आया वो वापस मोदी और बाथरूम मई शीशे के सामने आगयी जंहा अपनी थाइज़ पर खून की लकीर दिखी और आसपास खून लगा दिखाई दिया और बूब्स के ऊपर स्पर्म मार्क्स थे “ छी छी ये क्या क्या किया ह maine….first सेक्स और टीचर के साथ वो भी नशे मई जो की मुझे याद भी नहीं h….shit सहित नेहा खुले मई किया था सेक्स ” उसने तुरंत शावर ों किया और नहाने लगी और हाफ ऑवर तक नहाने के बादबहार आकर अपने कपडे ढूंढने लगी तोह उसे एक तरफ अपने कपडे दिखाई दिए उसने पहन लिए और ब्रेकफास्ट करके टेबलेट लेकर वापस लेत गयी फिर उसने एक बार फिर वीडियो ों किया …तोह उसकी नज़र राज के लुंड पर गयी और उसका मू खुला रहा गया “ ये क्या ह ये इतना बड़ा घुसा कैसे …इतना बड़ा भी होता ह और मैं इसे अंदर घुसाए जोर जोर से चिल्ला रही थी बाबू ये ..क्या किया नेहा ड्रग्स मई अपनी फड़वा कंही मेरी ” और तुरंत उसने अपनी गांड के छेद पर हाथ लगाया तोह एक सुकून मिला अब उसे हैरानी शर्म दर्द सब एक साथ हुवा और उसने आंखे होनी बंद कर्ली और एक मई चद्दर खुद पर दाल ली और उसे कब नींद आयी पता हे नहीं चला …

Bahar…principal ऑफिस..

प्रिंसिपल “ मैंने क्या सुना एक मेल की फाइट फीमेल से”

राज “ हां”

प्रिंसिपल प्रीती “ आप जानते ह न उसके पापा पुलिस मई ह कुछ गड़बड़ हो गयी तोह हंगामा हो जायेगा”

राज “आप भी तोह फीमेल ह आप फाइटर नहीं ह बॉस”

प्रीती “ राज तुम”

राज “आप भी तोह ड्रग्स के अगेंस्ट फाइट कर रही ह और ये तोह जस्ट फाइट ह लगता ह मेरी बॉस को मुझ पर ट्रस्ट नहीं ह फिर क्या काम मैं चलता हु” वो खड़ा होने लगा तोह

प्रीती ने उसका हाथ पकड़ वापस बैठा दिया और मुस्कुराकर बोली“ तीख ह जो तुम्हे तीख लगे”

राज “ ये हुवी न मेरी बॉस वाली बात” फिर मुस्कुराकर “बॉस ी म ऑलवेज विथ यू मैं हु डोंट वोर्री 60 70 को तोह ऐसे हे पीट दालु आपके लिए मैं”

प्रीती मुस्कराती हुवी “ाचा सच मई”

राज “ लो मज़ाक समाज रही हो आप मैं सीरियस हु”

प्रीती राज के एक्सप्रेशन देख खिल खिला कर हंस पड़ी और बोली “ ok ok मुझे यकीं ह आज शाम क्या कर रहे हो”

राज “वो छोड़िये मेरे बॉस का आर्डर होगा वो पहले ह शाम दिन सुभे सब बॉस की”

प्रीती खिलखिलाकर “ सच मई तुम्हारे साथ बाते करना बहुत इजी ह और ाचा लगता ह”

राज “ मैं ऐसा हे हु बॉस”

प्रीती “ ok शाम को डिनर करते ह जैस्मिन भी ह उसके साथ मेरे घर”

राज “ ओह्ह मुझे लगा मैं और मेरी बॉस हे होंगे कैंडल नाईट डिनर”

प्रीती “ ी म मैरिड “

राज “ राज या ी क्नोव हाउ साद 😭

प्रीती स्माइल देती हुवी“ मैरिड न होती तोह डेफिनिटेली तुम्हे प्रेफर करती”

राज “अरे किसने कहा मेरी नज़र से देखो कान्हो हो आप मैरिड”

प्रीती “ अब जाओ वर्ण हँसते हँसते पेट मई दर्द हो जायेगा मेरे”

राज “ ok मिस बॉस”

प्रीती की आंखे बड़ी हो गयी और राज को देखने लगी

राज “ आपकी बातो मई मैं भूल गया चलिए फाइट देखने चलते ह दोनों उसी के लिए तोह बुलाने आया tha…wo फाइट अभी हे ह..”

दोनों निकले तोह बहार निशा कड़ी मिली…

निशा “ गुड मॉर्निंग मम hello राज…”

राज “ hello निशा जी”

निशा “ अपने उसे ट्रेनिंग दी ह”

राज “बिलकुल मम हम हैऔर आपका पैन कैसा ह कैसा फील कर रही h…us दिन के बॉडी एक्सरसाइज के बाद पैन तोह नहीं हुवा’

और निशा राज का मतलब और मज़ाक समाज गयी और मुस्कुराते हुवे “नहीं नहीं पर बैक मई पैन डांस सिखाते वक़्त थोड़ा होता ह”

राज “ डोंट वोर्री मैं हु न फिरसे मिलते ह”

और दोनों की कन्वर्सेशन सून कर प्रीती को जलन होने लगी और वो बोली जल्दी चले….

राज “ बॉस का आर्डर सर आँखों पर chaliye…waise बॉस आप दुबारा आयी नहीं …मस्सगे के लिए”

और ये सून निशा की जल उठी …और वो राज की तरफ देखने लगी तोह प्रीती ने एक बार निशा की देखा और फिर मुस्कुराते हुवे “आउंगी न जरूर आउंगी”

राज दोनों के चेहरे पर ए भाव साफ़ देख सकता था यही तोह उसका खेल tha…tabhi कॉलेज से एक मर्सिडीज अन्तर हुवी …और उसके पीछे दो और गाड़िया ईई…

प्रीती “ ये यंहा क्यों आया ह”

राज “ कौन ह”

प्रीती “बिज़नेस में ह हरामी हमरे ट्रस्टी से इसे खरीदना चाहता ह और डील हो भी गयी ह”

राज “ हरामी कैसे”

प्रीती “ सकल से हवस नज़र अति ह उसमे चलो अब जाना पड़ेगा”

राज “ओह्ह चलिए …”

गाड़िया रुकी तोह उसमे से एक सूट बूट पहने हुवे आदमी उतरा और उसके पीछे कई सरे उसके बॉडी गॉर्डस आकर खड़े हो गए…

प्रीती की सदी सी सकल देख कर राज” ाचा अगर ये न ख़रीदे तोह कॉलेज”

प्रीती “ अगर ऐसा कर सको तोह जो कहो राज”

राज मज़ाक मई उस आदमी की फोटो लेता हुवा “ बॉस सूरे ह न कंही मेरी डिमांड सून आप”

प्रीती “इस हरामी के हाथो से ब्लैक मेल होने से ाचा कुछ भी हो सकता ह…”

राज सीरियस होकर तुरंत प्रीती के आगे आकर “एक मिनट क्या बात ह आप कुछ छिपा रही ह”

प्रीती ने निशा की तरफ देखा और बोली “ पिछली बार निशा और मेरे साथ पैसे का लालच दिखा कर सोच रहा था की हम उसके निचे आजाएंगी बस इतनी हे बता सकती हु पर हम क्या हे कर सकते ये बहुत पैसे वाला ह ….ट्रस्टी कह रहे थे इसकी पहुंच सिंह ग्रुप ऑफ़ कम्पनीज तक से लेकर पॉलिटिशियन तक ह”

राज “ सिंह ग्रुप तक हे ह न मालिक तोह नहीं ह उसका और पता ह मुझे क्या पसंद नहीं बॉस”

प्रीती ने जब तक पूछा “ क्या”

राज “कोई मेरे सामने किसी फीमेल को धमकाए” औरकई कदम आगे निकल गया…

निशा “ वो क्या करने गया ह”

प्रीती “ कंही वो उल्टा सीधा कुछ कर न दे चलो निशा”

इधर बड़ी गाड़ी देख काफी लगभग सभी जो बहार थे उनकी नज़र उन गाड़ियों की तरफ चली gayiii…gadi से उतरा आदमी अंगड़ाई लेता हुवा अपने प् से“ आज वो कड़क प्रिंसिपल कान्हा गयी यार उसके बिना तोह कॉलेज का प्रॉफिट हे अधूरा लगेगा”

प् “ इन्फॉर्म नहीं किया था सर …सोचा आपको सामने देख शॉक होगी तब जायदा मज़ा आएगा”

आदमी “ी लिखे आईटी और वो भावेश कान्हा ह उसी ने हे तोह डील करवाई थी”

प् “ारः ह”


पर उसे क्या पता था की उसकी तरफ क्या ारः ह ….राज उसकी तरफ चलता जा रहा था और उसके मोबाइल मई नोटिफिकेशन आरहे the….piche प्रीती जल्दी जल्दी आरही थी निशा के साथ राज को rokne…usai दर था की राज कुछ न करदे तोह दूसरी तरफ से शालिनी और ग्रुप और एक तरफ से जैस्मिन एंड ग्रुप भी राज को तेज़ी से जाते और उसके पीछे प्रिंसिपल और निशा को जल्दी जल्दी जाते देख रहे थे….

बॉक्सर शालिनी “कुछ तोह बात हुवी ह”

उसकी फ्रेंड “हम्म गड़बड़ तोह ह यार राज सर गुसाई मई लग रहे ह और प्रीती मम को देख”

तोह दूसरी तरफ आशीष “जैस्मिन आज पन्गा होंगे राज सर गुसाई मई ह …और ये आदमी पहले भी तोह आया था कान्हीए”

जैस्मिन “ चलो हम भी चलते ह”

जैस्मिन फ्रेंड “ वेट कर कुछ गलत होगा तब जायेंगे सपोर्ट के लिए क्या पता बात कुछ और हो”

जैस्मिन “ नहीं राज गुसाई मई ह मैंने उन्हें हँसते हुवे हे देखा ह ..पर आज वो डिफरेंट ह”

उधर से और टीचर्स और स्टूडेंट्स जो बहार खड़े थे वो आने लगे….

राज को अपनी तरफ तेज़ अत देख आदमी ने उसे dekha…aur उसके बॉडी गॉर्डस आगे आगये….

राज “ एक मिनट बात कर सकता हु”

आदमी आने दो

राज ने पीछे मुड़कर देखा और बोलै “ वंहा जा माफ़ी मांग दोनों से मैं तुझे बख्स दूंगा”

आदमी ने अपनी भोंहे सिकोड़ली

ये देख पीछे जैस्मिन शालिनी टीचर्स और ाशिस एंड ग्रुप्स सब हैरान थे की ये क्या हो रहा h…raj उसके सामने क्यों खड़े ह

राज “चला जा ये कह उसने अपने मोबाइल से एक वीडियो प्ले किया”

और उसे देख आदमी सीरियस हो गया…

आदमी “ कौन हो तुम”

राज “जानकार क्या करेगा माफ़ी मांग और निकल वर्ण काट कर दफ़न कर दूंगा और तेरी सिंह ग्रुप की पावर भी तुझे धुंध नहीं पायेगी समझा”

आदमी “ढंकीय… आज तोह मैं चला जाऊंगा फिर तू पछतायेगा की क्यों तूने ये किया”

राज को अपने पीछे से पैरो की आवाज एते हे…. “मुस्करा कर थैंक यू थैंक यू सो मच सर आप तोह ग्रेट ह महान h…sabhi को आपकी तरह होना चाहिए आप …तोह देवता ह devta”phir पलटकर “ बॉस ,निशा जी सर कितने बड़े दिल के ह देखिये ये सॉरी कहने ए ह ”इतना कह उसने दुबारा से आदमी को देखा …

आदमी “ ी म sorry…and थैंक यू यंग में तुमने मेरी आंखे खोलदी फिर मुलाक़ात होगी” और इतना कह वो वापस जाने laga….aur उसे ऐसे जाते देख और सॉरी बोलते देख प्रीती और निशा को कुछ समाज नहीं आया…

राज “ देखा बॉस मेरी बातो का जादू कैसे समाज गया वो ” राज की बाते सुनकर

प्रीती का मू खुला रह गया और वो मन मई हे बोली “बातो का असर बात करि कान्हा तुमने ..तुम ए मोबाइल दिखाया और उसकी भोंहे सिकुड़ी बस एक मिनट मई हे सब हुवा और वो सॉरी बोलकर चला gaya…baat हुवी कान्हा

राज “ क्यों निशा जी अब खुस”

निशा खुद से मन मई बड़बड़ाती हुवी पागल हो रही thi“ye क्या ह सामने से मैंने सेक्स करना चाहा तोह किया नहीं और अब एक मिनट मई प्रॉब्लम सोल्वे करदी आखिर ये ह क्या …स्ट्रांग कॉकटेल इसे चढ़ती नहीं ह मेरे साथ सोने का सपना तोह कॉलेज का हर टीचर और स्टूडेंट देखता ह और ये साथ सोने पर भी कुछ करता nahiii…akhir कौनसी दुनिया से ह ये और ह क्या चीन ये”

राज दोनों की सोच से बेखबर होकर बोलै “ ओह्ह कंही आप दोनों इम्प्रेस तोह नहीं हो गयी न अगर ऐसी बात ह तोह अभी सबको सूर्य बुलवा देता हु सायद और भी मुझसे इम्प्रेस हो जाएँगी और फिर मेरी भी गफ होगी”

और ये सून दोनों की समाज मई नहीं आया की वो क्या कहे …पर दोनों ने एक दूसरे को जरूर देखा जिसमे जलन साफ़ दिख रही थी….

प्रीती चले…

निशा “फाइट ह न”

राज है मैं तोह भूल हे गया था उसने चारो तरफ नज़र घुमाई तोह सब उसे हे देख रहे थे…

राज दोनों से “ ये मुझे ऐसे क्यों देख रहे ह मेरी सकल तोह तीख ह न…” फिर जैस्मिन को देख कर उसे अपने पास बुलाया… “ रेडी हो”

जैस्मिन “ है बूत नर्वस हु”

राज “ बस अपनी स्किल्स का फुल उसे करना”

तभी दूसरी तरफ से फुस्पेंद्र के साथ भावेश भी आया… और भावेश एते हे राज से गुसाई से बोलै “ तुमने क्या किया”

राज “ मैंने क्या किया …बस एक मोटिवेशनल वीडियो दिखाया और वो इतने मोटीवेट हुवे की वापस चले गए …डोंट वोर्री कभी मूड हुवा तोह आपको भी dikhaunga…jab तक चिल करो”

भावेश ये सून गुसाई से बोलै “ तुममम”

प्रीती “ क्या बात ह भावेश सर आपको इतना गुसा क्यों ारः ह”

भावेश प्रीती की आवाज सून बी नरम पद गया और बोलै “ कॉलेज मई और पैसा अत तोह कॉलेज डेवेलोप होता इसीलिए गुसा आया …”

निशा स्माइल के साथ राज की तरफ देखती हुवी “ कोई बात नहीं सर राज सर ने कुछ नहीं किया ह”

दोनों के साइड लेने से भावेश की जल गयी तोह दूसरी तरफ शालिनी की भी सुलग गयी और वो मन मई हे बोली “ रनडीई saliii…man तोह करता ह दांत तोड़ दू”

भावेश राज से “फाइट ह न देखते ह आज क्या करते ho”phir फुस्पेंद्र को साइड ले जाते हुवे तोड़कर रख देना मैं सब देख लूंगा”

फुस्पेंद्र पर.

भावेश “बोलै न तुझे मू पर एक किक जरूर marna…phir इसका बाप इसे नहीं छोड़ेगा”

फुस्पेंद्र ने भी हां मई गर्दन हिला diii…aur जैस्मिन के सामने फाइट के लिए आगया….

आशीष “ जैस्मिन ….जैस्मिन ….चिल्लाने लगा तोह सभी लड़किया जैस्मिन जैस्मिन चिल्लाने लगी… तोह दूसरी taraf…sarika जो गर्ल्स प्रेजिडेंट थी वो भी अपने बड़े से ग्रुप के साथ अति हुवी दिखीई…

सारिका “ इंट्रेस्टिंग ये टीचर राज काफी इंट्रेस्टिंग ह लगता ह मिलना हे पड़ेगा ये बहुत काम का ह इसकी पॉपुलैरिटी तोह कॉलेज मई सेलिब्रिटी जैसी हो गयी h….isai तोह अब अपनी साइड लाना हे होगा…”

इधर फाइट सुरु हुवी तोह फुस्पेंद्र ने पहले हाथ से वार किया तोह जैस्मिन एक लेग पीछे लेकर बच गयी फिर फुस्पेंद्र ने दूसरा वॉर कियातोह फिर बच गयीईइ और जम्प के साथ डीई एक किक फुस्पेंद्र के बाजु पर और गिरा साइड मई फुस्पेंद्र और सबके मू शॉक से खुल गए….

वर्ड काउंट…

7क……

आज के लिए इतना हे मस्ती मई पढ़ने का बिंदास लाइक्स और रेवोएस पेलने का
 
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