Incest The Tiger - Page 5 - SexBaba
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Incest The Tiger

अपडेट 28

मोबाइल है न तेरे पास उसमे पोर्न मूवी सर्च करना और सब देख और सिख लेना नेक्स्ट टाइम काम आएगा.

चल अब जा बहुत टाइम हो गया है.

लास्ट और फाइनल काम तेरे पिकनिक से आने के बाद करेंग.

फिर मई अपने कपडे पहन क्र अपने रूम में आ गया और थकन के कारन सो गया.

नेक्स्ट डे

रत में लेट से सोने के कारन सुबह मुझे बुआ उतने आयी.

मई अंडरवियर में hi सोया था मेरा अंडरवियर में टेंट बना हुआ था .

पहले तो बुआ ने दूर से hi आवाज दी लेकिन मई नहीं उठा फिर वो मेरे रूम में आयी अचानक वो मुझे आवाज देते हुए रुक गयी और मेरे अंडरवियर में बने टेंट को देख क्र कुछ सोचने लगी

बुआ मन में - है इसका तम्बू में hi इतना बड़ा है तो रियल में कितना होगा .

कुछ पल तक वो मेरे अंडरवियर में बने टेंट की निहारती रही, उसके बाद अपने ख्यालो से बहार आते हुए.

बुआ हे भगवन ये मई क्या सोच रही थी ये मेरे बेटे जैसा है और मई भी क्या क्या सोच रही हु.

ये सब इसके फूफा जी के कारन hi हुआ है एक तो साल में दो बार hi आते है और ऊपर से एक दो बार hi मेरे साथ सेक्स करते है बाकि टाइम तो ड्रिंक करके सो जाते है मई हमेसा hi प्यासी रह जाती हु इसी कारन मेरे मन में ये उटपटांग ख्याल आते रहते है .

बुआ अनपे सोच से बहार आते हुए मुझे हिला क्र उठाया.

बुआ - उठ जा बीटा कितना सोयेगा सुबह के 9बज गए है इतनी देर तक तो पहले कभी नहीं सोया .

मई झूट बोलते हुए- है बुआ रत में बहुत देर तक पढाई की, वो क्या है न की हम कल से पिकनिक में जा रहे है तो दो दिन की पढाई मिस हो जाएगी इस लिए पढाई क्र रहा था.

बुआ चलो ठीक है तुम फ्रेश हो क्र ब्रेकफास्ट के लिए आ जाओ मई चलती हु..

मई फ्रेश हो क्र डाइनिंग टेबल पर पंहुचा आज तो तीनो देविया मुझे देख क्र मुस्कुरा रही थी.

मई सोचा समिति और कविता का तो पता है की वो मुझे hi देख क्र मुस्कुरा रही है लेकिन ये काव्य को क्या हुआ ये क्यों इतना मुस्कुरा रही है.

काव्य अपने मन में - है कितना हैंडसम होता जा रहा है दिनों दिन कल पिकनिक में जाने के बाद अपने प्यार का ईशर जरूर करूंगी, बाद में जो होगा देखा जायेगा.

फिर हम लोगो ने ब्रेकफास्ट किया और मई अपने रूम में आकर बैग पैक करने लगा, थोड़ी देर बाद कविता मेरे रूम में आयी.

कविता - मई कुछ मदद कृ तुम्हारी पैकिंग करने में .

मई - नहीं मेरी जान मई क्र लूंगा .

कविता - ऐसे कपडे रखोगे तो तुम्हारा बैग hi भर jayega,hato मई करती हु ,

ये क्या है ऐसे कोई पैकिंग करता है गाजर मूली की तरह भर दिया है

मई - वह क्या बात है मेरी जान अभी से बीबीओ वाला रॉब झाड़ रही हो ,अभी उस के लिए समय है बचा क्र रखो बाद में काम आएगा .

कविता शर्मा गयी .

कविता- तुम न बहुत गंदे हो एक तो मई तुम्हारा काम कर रही हु और तू मुझे hi छेद रहे हो जाओ मई तुम से बात नहीं करती.

मई (मजाक में) वह क्या मौका दिया है तुम ने कल मई पिकनिक में जा रहा हु वह कोई नयी गर्लफ्रेंड बना लूंगा.

कविता रोनी सूरत बनाकर - है तुम्हे तो बहाना चाहिए मुझ से पीछा छुड़ाने का मई तुम्हे पसंद नहीं तो बोल दो मई कुछ नहीं बोलूंगी.

मई - ा रे मेरी जान मई तो मजाक क्र रहा था यार तुम तो सीरियस हो गयी,

तुम तो मेरा पहला और बचपन का प्यार हो तुम्हे छोड़ क्र मई खा जाउगा, ी लव यू मेरी जान, ी लव यू सो मच.

ये बोल क्र मई उसे गले लगा लिया

कविता- ल लव यू तो ,वह जाने के बाद मुझे फ़ोन करना और अपना ख्याल रखना समझे.

मेरी पैकिंग हो गयी , उस के बाद कुछ खास नहीं हुआ आज रत में भी मई समिति के पास नहीं गया क्यों की मुझे जल्दी उठाना था.

अगले दिन सुबह मई अलार्म की आवाज से 5 बजे उठा और निकल गया मॉर्निंग वाक पे गार्डन में पहुंच क्र थोड़े देर रनिंग किया और थोड़ी एससीसे की फिर घर आ गया नाहा धो क्र डाइनिंग टेबल पर बैठ गया ब्रेकफास्ट के लिए फिर रूम में जाकर रेडी हुआ अपना बैग लेकर बहार आया, काव्य भी रेडी हो गयी थी.

फिर हम हम दोनों निकल गए स्कूल जाने के लिए, पीछे से बुआ कहती रह गयी दोनों अपना ख्याल रखना और अच्छे से रहना हम सभी को बुय बोल क्र निकला गए.

स्कूल पहुंच क्र अपना अपना बैग स्कूल की जो बस जा रही थी उस में रखे और सीथ पर बैठ गए बॉयज के लिए एक जीन्स टीचर और गर्ल्स के लिए एक लेडी टीचर जा रही थी.

कुछ समय बाद बस चल पड़ी अपने पिकनिक स्पॉट की तरफ सभी बॉयज एंड गर्ल्स अन्तकच्छारी खेलते हुए गण वन गेट हुए जा रहे थे रस्ते में हम ने हल्का फुल्का नास्ता किया और दोपहर में हम लोग पहुंच गए अपनी जगह पर .

यह एक झरना था, हम ऊपर की तरफ थे नदी का पानी झरने से निचे गिरता tha,Jo बड़ा hi मनमोहक दृश्य लगता था नदी के किनारे hi मैदान था व्ही पर hi हमारा टेंट लगाया गया,

बस के ड्राइवर और कंडक्टर के साथ एक और आदमी था वो तीनो को hi टेंट लगाने और खाना बनाने का काम दिया गया था.

शाम तक हम घूमते rhe,yaha बहुत ठण्ड थी और कोई खतरा भी नहीं था.

सभी ने जल्दी से डिनर किया और बैठ गए जहा पर लकड़ियों को जला क्र अलाव बनाया गया था सभी अपना अपना ग्रुप बना क्र अलाव के किनारे जैकेट शॉल कम्बल ओढ़ क्र बैठे थे,

मई सब के पीछे अकेला एक पत्थर पर बैठ था जिसे काव्य ने देखा और उठ क्र मेरे पास आयी और मेरा हाथ पकड़ क्र मुझे अपने फ्रेंड के पास ले आयी .

ये मेरे लिए एक शॉकिंग से काम नहीं था.

मई बिना कुछ बोले hi उसके साथ आ गया और बैठ गया उनकी फ्रेंड्स के पास क्यों की मई रेखा को तो जनता hi था.

काव्य - रेखा इसे तो तू जानती है लेकिन ये नहीं जानती की ये मेरे मां का बीटा है , तुझे बताया था न की मेरा भी मां का एक बीटा है.

(दोस्तों आप लोगो ने पीछे के अपडेट में पढ़ा Hi होगा ये मां के बेटे वाला क्या चक्कर है.

मेरे लिए एक और शॉकिंग जो लड़की मुझे पहले दिन hi कह दिया था की स्कूल में किसी को हमारे रिश्ते के बारे में मत बताना वो आज खुद hi बता रही है

मुझे काव्य पहले से बदली हुई लग रही थी.

रेखा- ओह्ह है तो क्या टाइगर तेरे मां का बीटा है लेकिन तूने कभी बताया नहीं, तू तो कहती थी की दूर का पहचान वाला है.

काव्य- पहले नहीं बताई तो अब बता दिया अब खुस .

रेखा- है यार तेरी तो चंडी हो गयी.

मुझे तो कुछ समझ hi नहीं आ रहा था की इनका क्या चक्कर है मई बीएस चुप चाप बैठा था झरने की आवाज आ रही थी क्यों की हमारा टेंट पास में hi लगाया गया था .

रत बहुत हो गयी थी ऊपर से ठण्ड भी बहुत बढ़ गयी थी इस लिए धीरे धीरे क्र के सभी अपने अपने टेंटो में जा रहे थे काव्य की फ्रेंड्स भी चली गयी थी, कुछ देर बाद मई भी जाने के लिए खड़ा हुआ तो काव्य भी कड़ी हुए और कहा-

काव्य - सुनो मुझे तुम से कुछ बात करनी है

मई - है बोलो

काव्य- यह नहीं आओ झरने के पास चलते है.

ये बोल क्र वो झरने की तरफ चल पड़ी मई भी उस के पीछे चल पड़ा

झरने के पास पहुंच

मई - है अब बोलो क्या बात करनी है.

काव्य - वो मई ,मई वो.

मई - क्या बकरी की तरह में में क्र रही हो जल्दी से बोलो क्या बोलना है देखो सब सो गए है .

काव्य एक hi साँस में - ी लव यू.

मई पहले जोर से हँसा फिर हस्ते हुए क्या हो गया तुम्हारा मजाक या फिर मुझे बकरा बनाने की तयारी क्र रही य देखो मई तुम्हारी चलो में नहीं फसने वाला बता रहा हु अब चलो

काव्य - ये तुम्हे मजाक लग रहा है

मई सीरियस हु टाइगर ,देखो मई बचपन से hi तुम से प्यार करती हु लेकिन कभी बोल नहीं पायी ,मई दिलो जान से तुम्हे चाहती हु ी लव यू टाइगर ी लव यू.

मई - ये क्या पागलपन है काव्य क्या बोल रही हो कुछ पता है और वैसे भी मई किसी दूसरे से प्यार करता हु..

काव्य- तुम झूट बोल रहे हो कोण है वो नाम तो बताओ.

मई- वो मई तुम्हे नहीं बता सकता .

काव्य- ठीक है लेकिन मुझे भी अपने दिल में थोड़ी सी जगह hi दे दो मई उसी में खुस रहूंगी.

मई- ये नहीं हो सकता काव्य और मई तुम से प्यार नहीं करता चलो अब .

काव्य- तुम ने अगर मुझे ी लव यू नहीं कहा तो मई यह से कूद जाउंगी .

मई - अजीब जबरदस्ती है तुम्हारी मई नहीं बोलूंगा मई जा रहा हु तुम्हे आना है तो आओ.

मई थोड़ा आगे बढ़ गया और पीछे पलट क्र देखा तो वो सच में किनारे की तरफ जा रही थी .

मई गुस्से में आते हुए- ये लड़की ने भी नक् में दम क्र रहा है

ये बोलकर मई काव्य के पास गया और उसका एक हाथ पकड़ा वो झरने के बहुत hi किनारे पर आ गयी थी .

मई -पागल हो गयी हो क्या .

काव्य- है मई तुम्हारे प्यार में पागल हो गयी हु तुम नहीं मिले तो ये जीवन भी क्या काम का.

और मुझे एक हाथ से धक्का दे क्र मुझे से छूटने की कोसिस क्र रही थी

इस धक्का मुक्की के चक्कर में मेरा hi बैलेंस बिगड़ गया और मई काव्य का हाथ पकड़ा हुआ था इस वजह से दोनों झरने में जा गिरे.....
 
अपडेट 29

मई -पागल हो गयी हो क्या .

काव्य- है मई तुम्हारे प्यार में पागल हो गयी हु तुम नहीं मिले तो ये जीवन भी क्या काम का.

और मुझे एक हाथ से धक्का दे क्र मुझे से छूटने की कोसिस क्र रही थी

इस धक्का मुक्की के चक्कर में मेरा hi बैलेंस बिगड़ गया और मई काव्य का हाथ पकड़ा हुआ था इस वजह से दोनों झरने में जा गिरे..

झरने के कारन पानी का बहाव काफी तेज था जिस कारन हम दोनों बहते हुए काफी दूर अस गए थे.

जब मई सम्हला तो पता चला की यह पानी काम है फिर मई अभी जो थोड़े देर पहले जो हुआ उसे सोचने लगा.

फिर मुझे ख्याल आया की काव्य भी गिरी थी मेरे साथ वो खा है ,मई नदी के किनारो को इधर उधर जा जा क्र ढूढ़ने लगा.

बहुत ढूंढने के बाद मुझे थोड़ा आगे एक पत्थर के किनारे लेती हुई मिली मई बहुत hi परेशान हो गया था ऊपर से बहोत hi ठण्ड और पानी में भीगने के वजह से और जायदा ठण्ड लग रही थी .

मई काव्य के पास गया उसे आवाज लगाई फिर भी वो नहीं उठी मई उसे उठा क्र नदी के किनारे पर ला क्र लेटाया और उसके पेट से पानी निकला फिर उसे होस आया और मेरा नाम लिया "टाइगर" और फिर से बेहोस हो गयी. मैंने उसे होस में लेन की बहुत कोसिस की लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ.

मई फिर से परेशान हो गया उसे माथे और हटो को छू क्र देखा जो पूरा ठंडा हो गया था .मुझे समझ नहीं आ रहा था क्या कृ.

मई इधर उधर देखा तो मुझे दूर कुछ रोशनी सी नजर आयी .मई काव्य को गॉड में उठाया और तेजी से चल दिया उस रोशनी की तरफ, पास जाकर देखा तो पाया वह 6-7 घरो की एक बस्ती थी, और जो रोशनी मुझे दूर से दिख रही थी वो एक लालटेन की रोशनी थी जो खिड़की से दिख रही थी .

मैंने सोचा लालटेन जल रही है मतलब यह कोई जग रहा है क्यों की बाकि के घरो में अँधेरा था .

मई उसी घर के पास गया और काव्य को निचे उतर क्र अपने से चिपका लिया और एक हाथ से सहारा दिया और दूसरे हाथ से दरवाजा खटखटाया थोड़े देर बाद अंदर से आवाज आयी कोण है भाई आ रहा हु .

मुझे आवाज से लगा सायद कोई बूढ़ा आदमी है .

फिर दरवाजा खुला और अंदर से एक बूढ़ा आदमी hi बहार आया और पूछा कोण हो भाई और क्या काम है .

मई - बाबा हम उस झरने के ऊपर पिकनिक पर आये है झरने के किनारे खड़े थे और अचानक पाई फिसल गया और हम नदी में बहते हुए यह पर आ gye.hume थोड़ी मदद चाहिए क्या हम यह आज की रत गुजर सकते है.

मैंने देखा की वो बूढ़ा आदमी कम्बल ओढ़े खड़ा था लेकिन उसका धयान मेरी तरफ नहीं था और वो बोल भी उसी तरफ रहा था और हम साइड में थे.

बूढ़ा आदमी- बीटा मई तुम्हारी मदद तो नहीं क्र पाउँगा क्यों की मई अँधा हु, है तुम यह रत जरूर रुक सकते हो मई इतना hi क्र सकता हु, आजाओ अंदर भहर बहुत hi ठण्ड है.

फिर वो बूढ़ा आदमी टटोलता हुआ अंदर चला गया मई भी उसके पीछे काव्य को गॉड में उठा क्र घर के अंदर चला गया.

मई- बाबा जी क्या आप क्या अकेले hi रहते हो और कोई दिखाई नहीं दे रहा.

बूढ़ा आदमी- नहीं बीटा मेरे साथ मेरा बीटा और बहु दोनों रहते है वो लोग आज hi सहर गए है कल hi आएगा.

बीटा ये तुम्हारे साथ कोण है.

मई - वो बाबा ये मेरी बी..

मई भी बी में hi था की बूढ़ा आदमी बोल पड़ा.

बूढ़ा आदमी- ओह अचछा बीबी है

पर बीटा ये कुछ बोल क्यों नहीं रयी है .

जब बूढ़े आदमी ने काव्य को मेरी बीबी कहा तो मई काव्य के चेहरे को देखा कितनी मासूम लग रही थी उसे देख क्र मेरे दिल में भी थोड़ा प्यार आ गया था इस लिए मई बूढ़े आदमी को काव्य के बारे में कुछ नहीं बोलै.

मई - बाबा जी सायद ये जायदा ठण्ड लगने के कारन बेहोस हो गई है.

बूढ़ा आदमी- बीटा अगर ऐसा है तो वो मेरे बेटे का कमरा है इसके और तुम्हारे कपडे बदल लो वह मेरे बेटे और बहु के कुछ कपडे होंगे, जल्दी से कपडे बदल दो और वह कम्बल भी होगा अचछे से ओढ़ा देना नहीं तो कुछ अनर्थ भी हो सकता है इसके सरीर को गर्मी सख्त जरुरत है जाओ जल्दी करो.

मई पहले काव्य को उस रूम के बिस्तर पर लिटाया फिर मैंने वह अपने कपडे उतर क्र वह रखी हुई लुंगी को कमर में लपेट लिया और फिर काव्य के लिए कपडे देखने लगा लेकिन यह तो सिर्फ सादिया hi थी, तभी मुझे आईडिया आया की कपडे उतर क्र चादर धक् दूंगा .

मई काव्य के पास गया और उसके कपडे निकलने की मेरी हिम्मत hi नहीं हो रही थी मैंने आज तक अपने आलावा किसी और के कपडे नहीं निकले थे और ऊपर से ये लड़की थी फिर मेरे मन में आवाज आयी

अगर काव्य को कुछ हो गया तो बुआ को क्या जवाब दूंगा की मई उसके साथ होकर भी काव्य ख्याल नहीं रख पाया,

नहीं मुझे ये करना hi होगा मई काव्य को कुछ नहीं होने दूंगा .

यही सोच क्र मई काव्य के टॉप को कप्टा हाथो से पकड़ा और उसे निकल दिया उसने ब्लैक कलर का ब्रा पहना था मैंने उसको भी काव्य को पलट क्र उसका हुक निकल क्र अलग क्र दिया फिर निचे की और बढ़ा उसने जिनसे पहना हुआ था मई जिनसे का बटन खोल क्र निकलने लगा बहुत hi तित फिटिंग थी बड़ी मुस्की से जिनसे निकला फिर बरी आयी उसकी पैंटी की मैंने पैंटी को दोनों कमर के साइड से पकड़ क्र निकल दिया .

एक डैम क्लीन सेव्ड छूट थी लेकिन मेरे मन में अभी तक कोई गलत ख्याल नहीं थे मुझे सिर्फ काव्य ख्याल था की उसे कुछ नहीं होना चाहिए .

मई काव्य को चादर और कम्बल से धक् क्र रूम से बहार आया तो देखा वो बूढ़ा आदमी अपने खत पर सो गया था मई भी वापस रूम में आकर काव्य का मस्तक और हाथ को छुआ तो वो अभी भी ठंडा था मैंने उसके हाथ को अपने हाथ से रगड़ा और पेअर की ेडियो को भी रगड़ा लेकिन कुछ प्रभाव नहीं पड़ा.

तभी मेरे दिमाग में आया की 2-3 मूवी में मैंने देखा था की जब हेरोइन को जयादा hi ठण्ड लगती है तो हीरो उसे अपने सरीर की गर्मी देता है.

मैंने सोचा मई भी यही तरीका अपनाता हु मई ऊपर अभी तक कुछ नहीं पहना था निचे सिर्फ लुंगी लपेटा था मई कम्बल के अंदर घुस क्र काव्य के साइन को अपने साइन से चिपका लिया और दोनों को कम्बल और चादर से धक् लिया .

काव्य को साइन से लगाए हुए कब मुझे नींद आ गयी पता hi नहीं चला.

सुबह चिडियो के छह- चाहने से मेरी नींद खुली ,मई जब आखो को खोला तब सामने मुझे काव्य का मासूम चेहरा दिखा .

है कितनी मासूम लग लग रही थी गोरा चेहरा गुलाबी होठ दिल क्र रहा था चुम लू इन होठो को.

लेकिन मेरे दिमाग ने इस बात की इजाजत नहीं दी.

मई उसको फिर से चेक किया तो अब काव्य नार्मल लग रही thi.mai डिस्टर से उठा और कपड़ो को देखा जो थोड़े सुख गए थे मई उसे पहन क्र रूम से बहार आया तो वो बूढ़े आदमी बिस्तर पर बैठा था.

मैंने उसे चेक करने की सोची की वो सच में अँधा है की नहीं.

मई इधर उधर देखा तो मुझे एक डंडा नजर आया मई उसे उठा क्र उसे ऊपर वर किया ठीक उसके सर के कुछ इंच ऊपर रोक दिया ,बूढ़ा आदमी वैसे का वैसे hi रहा तब मुझे पूरा यकीं हो गया की ये अँधा है.

मई - बाबा यह को बाथरूम है क्या फ्रेश होने के लिए .

बूढ़ा आदमी- नहीं बीटा यह तो सब नदी किनारे hi जाते है, तुम भी चले जाओ और बेटी की तबियत कैसी है .

मई वो अब ठीक लग रही है बाबा मई आता हु फ्रेश होक.

मई लुंगी को लेकर निकल गया नदी किनारे वह फ्रेश हो नाहा धो लिया और वापस आते हुए मुझे एक मंदिर दिखा मई वह जाकर माता के आगे हाथ जोड़ क्र प्रणाम किया और विनती की,

की काव्य को जल्दी ठीक क्र दे .

फिर मई वह से प्रसाद लेकर घर कीओर निकल पड़ा, मैंने सोच लिया था की मई काव्य का प्यार अपना लूंगा और दोनों बहनो को आमने सामने क्र दूंगा वो आपस में hi हल निकल ले.

उधर मेरे घर से निकलने के बाद काव्य को होस आ गया तो वो अपने आप को नंगा और दूसरी जगह प् क्र थोड़ी दर गयी फिर उसने बीती घटना को यद् किया लेकिन उसे झरने में गिरने के बाद क्या हुआ कुछ यद् नहीं था वो अपने कपडे पहन क्र रूम से बहार आयी .

तो वह पर बूढ़े आदमी को प् क्र पूछा .

काव्य - बाबा जी मई यह कैसे आयी .

बूढ़ा आदमी- ओह उठ गयी बेटी, वो तुम्हारा पति तुम्हे लेकर आया था सायद तुम बेहोस थी उस वक्त.

वो अभी नदी किनारे गया है आता hi होगा .

काव्य को पति सब्द सुन क्र थोड़ा अचम्भा लगा लेकिन वो ये सोचती है की उसके साथ तो टाइगर hi था फिर मुस्कुरा देती है और वापस रूम में चली जाती है.

फिर वो मन में सोचती है की टाइगर ने मेरे प्यार को नहीं अपनाया था तो मुझे कुछ ड्रामा करना पड़ेगा वो सोचती है की क्या करना है.

इधर जब मई वापस आया तो बूढ़ा आदमी घर के बहार बैठा मिला मई रूम में आया तो काव्य को सही सलामत देख क्र खुस हुआ लेकिन अगले hi पल उसको रोटा देख मई दर गया की क्या हो गया है, मई पूछा, काव्य क्या हुआ तुम रो क्यों रही हो .

काव्य- मई कहि की नहीं रही अब कोण थमेगा मेरा हाथ तुम ने सब कुछ लूट लिया मेरा .

मई - मैंने कुछ नहीं किया है वो सिर्फ तुम्हारी जान बचने के लिए मुझे अपने सरीर की गर्मी देनी पड़ी और कुछ नहीं हुआ .

काव्य - तुम ने मुझे पूरा नंगा देखा है और मेरे जिस्म को छुआ है और बोलते हो कुछ नहीं हुआ.

मई समझ गया ये सिर्फ ड्रामा क्र रही है.

मई - चल बंद क्र अपना ड्रामा और मैंने तुम्हारे प्यार को एक्सेप्ट क्र लिया है, ी लव यू.

काव्य को विस्वाश नहीं हुआ.

काव्य- फिर से बोलो.

मई - ी लव यू .

काव्य खुसी से लव यू तू बोलती हुई आयी और मेरे पुरे चेहरे को चूमने लगी .

काव्य - तुम नहीं जानते की मई कितनी खुस हु मेरा बचपन का प्यार मुझे मिल गया और क्या चाहिए मुझे.

मई - देखो काव्य मैंने तुम्हे पहले hi बता दिया था की मई किसी और से प्यार करता हु इस लिए तुम्हे सब से पहले उससे बात करनी होगी की वो क्या चाहती है, मई उसे धोखा नहीं दे सकता.

काव्य- मई उसे आणि बड़ी बहन मन क्र उससे अपने प्यार की भीख मागूंगी उसके पैरो को पकड़ क्र कहूँगी की पूरी न सही पर थोड़ी सी जगह मुझे भी दे दो टाइगर के दिल में.

मई - ये सब उससे मिलने पर बोलना अभी हमे यह से चलना चाचिये हमारे स्कूल वाले परेशां हो रहे होंगे .

फिर हमने बाबा जी को हमे यह रुकने देने के लिए धन्यवाद खा और कुछ रुपए देने चाहे लेकिन उन्होंने पैसे लेने से साफ इंकार क्र दिया.

फिर हम और आने का कह क्र निकल गया उस झरने की तरफ.

तो बे कॉन्टिनोएड....
 
अपडेट 30

फिर हमने बाबा जी को हमे यह रुकने देने के लिए धन्यवाद खा और कुछ रुपए देने चाहे लेकिन उन्होंने पैसे लेने से साफ इंकार क्र दिया.

फिर हम और आने का कह क्र निकल गया उस झरने की तरफ.

उधर हमारे पिकनिक स्पॉट पर जब सभी लोग सो क्र उठे तो मुझे तो किसीने नहीं ढूंढा मगर काव्य को उसकी सहेलियों ने ढूढ़ा पर जब वो कहि नहीं दिखी तो फिर रेखा ने मुझे ढूंढा मई भी नहीं मिला तो वो समझी की सुबह hi कहि दोनों घूमने निकल गए honge,is लिए जयादा फर्क नहीं पड़ा.

जब हम झरने के पास पहुंचे तो वह पर हमारे स्कूल के सभी लड़के और लड़किया जो पिकनिक पर आये थे वो सभी उसी झरने के निचे मिल गए सायद फ्रेश होने आये होंगे.

व्ही काव्य की फ्रेंड्स भी थी जब हम उन के पास गए तो रेखा ने कहा अस गए घूम के सुबह सुबह खा घूम क्र आ रहे हो.

रेखा की बातो से मई समझ गया की इन्हे कुछ पता नहीं चला की रत में क्या हुआ .

काव्य कुछ बोलना चाहती थी मई hi उसके बोलने से पहले बोलै

मई - है हम सुबह जल्दी उठ क्र घूमने निकल गए थे सोचा की आस पास की जगह भी घूम लिया जाये तो हम घूम रहे थे.

रेखा काव्य के कण में - वह रे तू तो बड़ी तेज निकली एक hi दिन में पता लिया लिया टाइगर को कहि घूमे के बहाने रोमांस तो नहीं क्र रही थी.

काव्य धीरे से मरती हुई - चुप क्र पागल कुछ भी बोलती है ऐसा कुछ नहीं हुआ.

कुछ देर बाद सभी ने ब्रेकफास्ट किया और निकल गए घूमने के लिए सभी ग्रुप में थे मई और काव्य एक दूसरे का हाथ पकड़ क्र चल रहे थे सभी लोग अलग अलग डिसओ में घूम रहे थे.

मई और काव्य भी निकल गए एक तरफ, कुछ आगे जाकर इधर उधर देखा आस पास कोई नजर नहीं आने पर हम एक पेड की निचे बैठ गए .

काव्य मेरी बहो में थी और मैंने बात सुरु की .

मई - काव्य अगर मान लो की मेरी गर्लफ्रेंड ने तुम्हे नहीं अपनाया तो.

काव्य- वो मई उनसे जब मिलूंगी तब देखा जायेगा वो सब अभी छोडो कुछ और बात करो न.

मई - अचछा ये बताओ की बुआ को हमारे बारे में पता चला तो क्या होगा .

काव्य - वो तुम मुझ पर छोड़ दो मई माँ को मन लुंगी और वैसे भी कई जगहों पर बुआ की बेटी से सदी हो जाती है.

मई - तुम तो अभी से सदी तक पहुंच गयी.

काव्य- तो क्या तुम मुझसे सदी नहीं करोगे .

ये बोल क्र उसका चेहरा रोने जैसा हो गया .

मई- ा रे मेरी जान अब रोना मत सुरु क्र देना मई तो ये कह रहा था की अभी तो हमारे खेलने खाने के दिन है और तुम अभी से सदी के बंधन में बांधना चाहती हो.

काव्य - तुम तो अभी से मुझे सताने लगे हो .

ये बोल क्र वो मुझे मरने को हुई तो मई उसका साथ पकड़ क्र अपने ऊपर खींच लिया .

वो मेरे आखो में देखने लगी और मेरे चेहरे की तरफ बढ़ने लगी मई समझ गया की इसे क्या हुआ है और क्या चाहिए .

मई भी रेडी हो गया और फिर हम दोनों के होठ एक दूसरे से जुड़ गए.

काव्य तो अभी इस खेल में नहीं थी लेकिन मई तो सिख hi गया था मई कभी ऊपर तो खभी निचे के होठ बड़ी सिदद से चूस रहा था काव्य बीएस मेरा साथ दे रही थी.

जब हमारी ससे फूलने लगी तब हम अलग हुए वो फिर से मेरे आखो में देखने लगी तो मई उसके आखो को धक् दिया.

मई - ा रे जायदा मेरी आखो में मत देखना नहीं तो अभी यही सुहागदिन हो जायेगा.

काव्य - है सही कह रहे हो मई दुब जाती हु इन आखो में तब मुझे मन करता है की सब कुछ लुटा दू तुम पर .

हम अभी बात hi क्र रहे थे की वह रेखा टपक पड़ी .

रेखा - ोये लैला मजनू बहुत हो गया रोमांस अब चलो डिनर का टाइम हो गया है बाकि बाद में क्र लेना.

काव्य- तू रुक रेखा की बच्ची तुझे मई बताती .

काव्य उसे मरने के लिए उसके पीछे भागी मई भी उनके पीछे hi चला आया .

फिर उस दिन कुछ खास नहीं hua.dusre दिन हम वापस आगये .

जब हम घर आये तो सब घर में hi थे .

कविता ने मुझे रूम में आने का इसरा किया .

मई भी फ्रेश होने का बोल क्र अपने रूम में आया और बाथरूम में घुस गया, जब मई बहार आया तो देखा कविता मेरे रूम में थी .

वो मुझे देखते hi मेरे गले से लग गयी और फिर हमारा जबेर दस्त किश सुरु हो गया जो हमारी सांसे उखाड़ने तक चला जब हम नार्मल हुए तो

कविता- 2दिनों से तुम्हे नहीं देखा था मेरी तो मन hi लगता था तुम्हारे बिना किसी चीज में, अब तुम्हे देख लिया तो दिल को सुकून मिला.

फिर वो चली गयी उस जाने के बाद समिति मेरे रूम में आयी .

समिति - तो मिस्टर आ गए पिकनिक से आज आराम क्र लो कल बहुत म्हणत करनी होगी .

मई - मतलब.

समिति- तुम कल स्कूल जाने का बहाना क्र के सामने वाले पार्क में मेरा इंतजार करना मई तुम्हे व्ही मिलूंगी और है काव्य को तुम सम्हाल लेना उसे क्या बोलना है वो तुम जानो.

और है एक एक्स्ट्रा कपडे रख लेना काम आएगा.

उसके बाद वो भी मुझे किश करने लगा और फिर चली गयी.

समिति के जाने के बाद काव्य भी आयी मुझे गुड नाईट किश देने आयी और मई कल के बारे में सोचते हुए सो गया

तो बे कॉन्टिनोएड.....
 
अपडेट 31

समिति के जाने के बाद काव्य भी आयी मुझे गुड नाईट किश देने आयी और मई कल के बारे में सोचते हुए सो गया

सुबह अलार्म की आवाज से उठा और अपना रूटीन सुरु हो गया पार्क गया वह थोड़ी रनिंग और एससीसे की फिर घर आकर नहा धो क्र रेडी हुआ और बैग में समिति के कहे अनुसार एक्स्ट्रा शर्ट रख लिया और डाइनिंग टेबल पर आज्ञा .

मई समिति के बाजु में जा क्र बैठ गया.

समिति धीरे से मेरे कण में - सब चीज रेडी है न .

मई - है मगर काव्य को मानना बाकि है पर मेरे पास उसका भी हल है वो मन जाएगी.

उसके बाद हम ने ब्रेकफास्ट किया और घर से निकले , घर के बहार मैंने काव्य से कहा -

मई - काव्य आज बस से मत जाओ मेरे साथ मेरे साइकिल से चलते है .

काव्य - है क्या बात है बड़ा hi प्यार आ रहा है मुझ पर साइकिल में रोमांस करने का इरादा है क्या.

मई- तुम खो तो रोमांस भी क्र लेंगे, लेकिन मुझे तुम से जरुरी. बात करनी है.

काव्य- क्या बात करनी है, कहि तुम होटल में रूम बुक क्र के तो नहीं ले जा रहे हो न .

मई - अरे पागल क्या क्या सोचती रही हो उसके लिए अभी टाइम है, कुछ और बात करनी है.

काव्य - और क्या बात है?

मई - पहले साइकिल पर बैठो चलते चलते बात करते है.

फिर वो साइकिल के आगे बैठने लगी.

मई- ा रे इधर कहा आ रही हो पीछे बैठो कोई देखेगा तो क्या सोचेगा.

काव्य - जिसे जो सोचना है वो सोचे मई नहीं डर्टी किसी से ,प्यार किया तो डरना क्या मई तो आगे hi बैठूंगी.

ये कह क्र काव्य साइकिल में मेरे आगे आ के बैठ गई .

फिर मई साइकिल आगे बढ़ा दिया.

मैंने फिल्मो में देखा था साइकिल में कइके हीरो हेरोइन से रोमांस करता है, क्यों न मई भी वैसे hi कुछ करू लेकिन मैंने कुछ न्य सोचा मैंने अपने पेअर के घुटनो से उसके पिछवाड़े को सहलाते हुए साइकिल चलने लगा.

काव्य बार बार ऊपर निचे होने लगी .मुझे तो बहुत hi मज़ा आ रहा था .

वाओ क्या नरम नरम अहसास था उसके गांड का मई बता नहीं सकता

(जो दोस्त ऐसा किये है वो जानते है क्या होता है)

काव्य - ये क्या क्र रहे हो तुम, मुझे गिराने का इरादा है क्या, क्यों मेरे पिछवाड़े को रगड़ रहे हो .

मई - मई तो कुछ भी नहीं क्र रहा, मई तो सिर्फ साइकिल चला रहा हु.

काव्य - है देख रही हु तुम क्या चला रहे हो अगर तुम ने जैड़ा देर तक ऐसा कुछ किया तो मई अपने आप को कण्ट्रोल नहीं क्र पाऊँगी .

मई - सॉरी बाबा अब नहीं करूँगा.

ओह्ह्ह तुम्हारे चक्कर में तो मई भूल hi गया के मुझे तुम से इम्पोर्टेन्ट बात करनी है.

काव्य - ओह्ह है बोलो न क्या बात करनी है.

मई काव्य को झूट बोलते हुए.

मई - वो क्या है की काव्य मई आज स्कूल नहीं जाउगा.

काव्य - तो क्या करोगे स्कूल नहीं जा क्र .

मई - वो मई आज अपनी गर्लफ्रेंड से मिलने जा रहा हु और व्ही तुम्हारे बारे में बात करूंगा.

काव्य थोड़ा उदास होते हुए- ठीक है जाओ और मेरे बारे में थोड़ा अच्छे से बात करना.

तुम जनता हो अगर तुम मुझे नहीं मिले तो मई भी नहीं रहूंगी, अपनी जान दे दूंगी.

मई - मुझे पूरा विश्वास है की वो तुम्हे अपनलेगी.

इतने में स्कूल आ गया मई काव्य को साइकिल से उतरा और bye बोल क्र निकल गया वो तो मुझे किश भी करने वाली थी लेकिन मैंने किसी तरह उसे रोका .

ये लड़की किसी दिन मुझे जरूर मरवायेगी.

वह से मई पार्क में पहुंच गया थोड़ी hi देर बाद समिति भी आ गयी.

समिति - ज्यादा इंतजार तो नहीं करना पड़ा न .

मई - नहीं मई तो काव्य को अभी स्कूल से छोड़ क्र आया हु .

समिति- काव्य को तो नहीं बताया न की तुम मेरे साथ जाओगे.

मई - नाम तो नहीं बताया लेकिन इतना जरूर बताया हु की मई अपनी गर्लफ्रेंड के साथ जा रहा हु.

समिति - चलो ठीक है अड़ चलो मेरे साथ.

मई - खा जाना है .

समिति - कुछ सवाल मत करो चुप चाप चलो मेरे साथ और जैसे मई कहु करना है तुम्हे.

फिर मई और समिति निकल गए और एक घर के पास पास आकर रुक.

समिति ने दूर बेल्ल बजाय तो किसी लड़की ने दूर खो.

लड़की - है समिति डार्लिंग आज बहोत दिनों बाद इधर का रास्ता कैसे भूल गयी और ये कोण है तेरे साथ नई बॉयफ्रेंड अभी भी तेरी तलाश जारी है क्या है.

समिति - है ये मेरा बॉयफ्रेंड है और वो भी परमानेंट vala,ise तुम लोगो से मिलाने hi तो लायी हु .

हमे अंदर भी आने देगी या यही से सब इन्क्वायरी क्र लेगी.

लड़की - ओह है अंदर आओ अंदर सभी है जाओ मिल लो.

हम अंदर गए यह4-5 लड़किया और थी.

समिति मेरे कण में- ये है मेरी फ्रेंड्स वो भी बिगड़ी हुई.

मुझे थोड़ा अजीब लग रहा था इस लिए मई चुप hi था.

समिति- है फ्रेंड्स ये है मेरे सपनो का राजकुमार टाइगर.

और टाइगर ये है सीतल ,मीनल , रवीना, lata,or ये दीपा

सभी लड़किया - है टाइगर .

मई - hello किया

सीतल - तो समिति तुम्हे ये खा से मिल गया .

समिति - बागवान ने hi भेजा है यार , वो हुआ ये की -

फिर समिति ने उस दिन जो हुआ वो सब नमक मिर्च लगाकर सब बता दिया कैसे मेरे चुने सी उस में फीलिंग आयी सब . सिर्फ हमारा रिश्ते को छोड़ क्र .

मीनल - वह यार समिति सच में तुम्हे तो सपनो का राजकुमार मिल गया यार, यू अरे सो लकी.

सीतल- तू अभी तक शील पैक है या हम लोगो के केटेगरी में आ गयी है .

समिति- नहीं यार अभी तक शील पैक hi हु लेकिन मई भी तुम लोगो में से एक होना चाहती हु , इसी लिए तो यह आयी हु कुछ हेल्प जो चाहिए.

सीतल - बोल क्या हेल्प चाहिए, मई सब हेल्प करने को तैयार हु. तू बोलेगी तो मई तेरे बॉयफ्रेंड का लुंड पकड़ क्र तेरे छूट में दाल दूंगी.

समिति - नहीं इतनी भी हेल्प नहीं चाहिए, मैंने सोचा है की हम थोड़ा मौज मस्ती करेंगे फिर किसी होटल में रूम बुक क्र लेंगे.

सीतल - अरे मैंने ये घर हु hi नहीं ख़रीदा hai,yha सब हो जायेगा और अभी हम लोग एक छोटी सी पार्टी के लिए जा रहे थे तुम लोग भी चलो मस्ती भी क्र लेना उस के बाद एक रूम तुम लोगो के लिए रेडी hi है.

आज मेरी तरफ से हमारे फ्रेंड के सपनो के राजकुमार मिलने की खुसी में मेरी तरफ से पार्टी.

सब लोग - ईई...

फिर मैंने स्कूल वाला शर्ट चेंग क्र साथ में लाया हुआ शर्ट पहना और निकल गए सीतल की कार में हम एक होटल में गए वह पहले से hi बात हो चुकी थी.

मई मन में - साली बहुत hi पैसे वाली पार्टी लगती है.

वह एक स्पेशल हल बुक कराया गया था दजके साथ फुल बार भी था वह .

उन सभी लकड़ियों ने पहले पीना सुरु क्र दिया कोई बेयर तो कोई वोडका तो कोई इसकी.

समिति ने भी बेयर लिया, मई सिर्फ उन लोगो को देख रहा था.

मीनल - यार समिति टाइगर को भो कुछ पीला न यार वो क्यों खली देख hi रहा है.

समिति - ा रे मैंने जरा सा भी पीला दिया तो कही सो न जाये यार फिर तो मई कुमारी hi रह जाउंगी.

समिति को भी थोड़ी चढ़ गयी थी , उन लोगो ने खूब पि फिर डांस की बरी आयी मैंने तो कभी डांस नहीं किया था लेकिन इन लोगो के स्टेप देख क्र मुझे भी आज्ञा समिति की साडी फ्रेंड मेरे साथ चिपक क्र डांस और रही थी , मुझे भी थोड़ा मज़ा आरहा था .

मई अपनी आखे किसी को नहीं मिलायी नहीं तो ये सभी लड़कियों ने मेरा hi गैंग बंग क्र देना था.

मई भी सभी लड़कियों को पकड़ क्र डांस किया फिर सभी लोग वापस सीतल के घर आ गए .

वह पर सीतल ने मुझे और समिति को एक रूम दिखाया और बाकि सब दूसरे रूम में चली गयी फुल जो पि लिया था.

हम भी रूम में आ गए और दूर लॉक क्र के समिति ने किसिंग स्टार्ट क्र दी सो हमारी सास फूलने तक चली और फिर असली खेल का टाइम भी आ घ.

तो बे कॉन्टिनोएड
 
अपडेट 32

हम भी रूम में आ गए और दूर लॉक क्र के समिति ने किसिंग स्टार्ट क्र दी सो हमारी सास फूलने तक चली और फिर असली खेल का टाइम भी आ घ.

समिति ने मेरा शर्त निकल क्र फेक दी फिर निचे झुका क्र मेरा पैंठ निकल diya.vo बहुत उतावली हो रही थी मई उसे उठाया और फिर किसिंग स्टार्ट की फिर उसके टॉप को निकला पिंक कलर के ब्रा में कमल की लग रही थी समिति मई उसके कंधे को चूमा फिर गले को समिति मदहोस होने लगी.

फिर मई निचे बढ़ा ब्रा के ऊपर से उसके बूब्स को दबाने लगा .

समिति ने अपने हाथ पीछे ले जा क्र ब्रा को खोल दिया .

समिति- ाः टाइगर इस अहसास के लिए मई कबसे तराश गयी थी सीईई ओह्ह तुम तो आज मुझे पागल hi क्र डोज.

मई फिर उसको गॉड में उठाया और उसको बीएड पर लिटा दिया और किश करते हुए उसके बूब्स को हलके हलके दबाने लगा, किश तोड़ क्र मई निचे बड़ा समिति के बूब्स के निप्पल खड़े हो गए थे मई एक निप्पल को मुँह में भर लिया और छुस्ने लगा, इस दौरान समिति मेरे सर के बालो को सहला ह्री थी और सिसकिया ले रही थी .

मई निप्पल को बड़े आराम से चूस रहा था मनो वह से दूध निकल रहा है और मई उसे पि रहा हु और एक निप्पल को हलके हलके सहला रहा था.

समिति- ओह्ह्ह टाइगर तुम तो कमल के चूस रहे हो आआह काटो मत बीएस चूसते रो हुम्म्म कसम से ऐसा मजा मुझे आज तक नहीं मिला.

मई कभी एक निप्पल को चुस्त तो दूसरे बूब को दबाता फिर दुरसरा निप्पल चुस्त तो पहले को दबाता मैंने समिति की चूचियों को चूस चूस क्र लाल क्र दिया ,फिर मई निचे बढ़ा उसके सपाट पेट को चूमने और चूसने लगा समिति का सरीर कम्पनी लगा.

समिति - ओह्ह्ह हआ उम्म्म्म तिगररररर मई इसी सुख के लिए कितने बॉयफ्रेंड बदले hai.ohhhh लेकिन तुम वो मुझे वो सुख दे रहे हो आआह जिस की कल्पना में hi मेरी छूट गीली हो जाती थी उम्म्म्म कई रत मैंने अपनी छूट को रगड़ क्र उसे दिलासा दिया की कोई आएगा और तुम्हारी खुजली मिटाएगा.

मेरे चूमे चूसने से समिति का पेट hi गिला हो गया ,मई उसकी नाभि में जीभ घुसा दी और उसे कुरगने लगा समिति बिन पानी के मछली ली तरह तड़प रही थी .फिर मई खड़ा हुआ और उसकी जीन्स के हुक को खोल क्र जीन्स को निचे सरका दिया .

समिति के कहे अनुसार मई पोर्न मूवी में देख क्र बहुत कुछ सिख तो गया था आज उसका इम्तहान था अब देखा ये है की मई पास होता हु या फ़ैल.

समिति का जीन्स निकलने के बाद वो पिंक कलर की पैंटी में थी जो पूरी तरह से गीली हो गयी थी मई पेंटी के ऊपर से उसकी छूट को चुम लिया वह से भीनी भीनी मादक खुसबू आ आरही मई एक बार और पैंटी के ऊपर से उसकी छूट को चुम क्र पैंटी निकल दी .

ओह्ह मैंने इतने पास से पहली बार छूट देखा था क्या कमल की लग रही थी एक डैम साफा चाट पूरी क्लीन .

मई छूट के ऊपर किश किया समिति की सिसकिया निकल गयी.

मई छूट को कभी नहीं चूसा नहीं था लेकिन मैंने पोर्न मूवी में देखा था कैसे छूट को चूसा जाता था मई सोच hi रहा था कैसे छूट को चुसू लेकिन समिति ने मेरा सर की पकड़ क्र अपने छूट के ऊपर hi लगा दिया मुझे थोड़ा टाइम चाहिए था छूट चूसने के लिए लेकिन समिति ने मेरा प्लान hi चौपट क्र दिया मई न चाहते हुए भी समिति के छूट को चूसने लगा लेकिन थोड़े hi देर बाद मुझे मजा आने लगा. समिति भी मेरा सर पकड़ा क्र अपने छूट पर दबा रही थी.

समिति - ाः टाइगर जोर से chuso,uummmm बहुत hi अच्छा लग रहा है .ऐसा लग रहा है जैसे मई हवा में उड़ रही हु ओह्ह्ह सी

मई जीभ से उसके छूट के पॉइंट को करीदने लगा दातो से खींच कर चूसने लगा .

समिति- हा ऐसे hi करते रहोऊ बीएस मेरा होने वाला है ओह्ह्ह ाः हहहह और ऐसे hi समिति की छूट ने पानी छोड़ दिया ऐसा लग रहा था की पानी का टैंक hi फुट गया हो बाउट पानी निकला समिति की छूट से जो आधा मेरे फेस पे और बाकि मैंने चाट टेस्ट थोड़ा खरा था भीड़ भी पि गया.

मैंने फिर से छूट को चाट क्र क्लीन क्र दिया .

समिति जो पानी निकलने के बाद लम्बी लम्बी साँस ले रही थी वो जब नार्मल हुई तो

समिति - बीएस हो गया अब मेरी बरी है तुहे खुस करने की, अच्छा ये बताओ तुम ने इतना अच्छे तरीके छूट चुस्न खा से सीखा .

मई - तुमने hi तो खा था की पोर्न मूवी देख लेना मई भी व्ही से देख क्र सिख लिया क्यों कैसा लगा मेरा पहली बार जो था.

समिति बहुत hi मजा आया सच में तुम एक त्रिनेड खिड़की की तरह चूस रहे थे चलो बाकि कपडे भी उतर दो.

मई बचे हुए सभी कपड़ो को उतर क्र नंगा हो गया फिट समिति ने मुझे बीएड पे लिटाया और फिर मेरे चेहरे को चूमने लगी और फिर मेरे होतो को फिर निचे मेरे चिकने साइन को चूमती हुई मेरे लुंड के पास आयी और लुंड को जोर से चूमा फिर अपनी झिबह से लुंड को चाटने लगी कुछ देर चाटने के बाद मुँह खोल क्र लुंड को अंदर लेने लगी लेकिन पूरा नहीं जा रहा था उसके मुँह के अंदर फिर भी वो जितना हो सके उतना अंदर लेने की कोसिस क्र रही थी मई भी उसके चूसने से आनंद की दुनिया में खो गया था, समिति मेरे लुंड को चूसने के साथ थोड़ा हिला भी रही थी जिससे मुझे थोड़ा दर्द भी होता था क्यों की मई अभी भी वर्जिन जो था थोड़े hi देर में मेरा लुंड उसके थूक से सराबोर था और मेरे लुंड को मुँह से निकल दिया एक पल के लिए मई गुस्सा हो गया क्योकि इतना मजा जो ा रहा था .

मई - क्या हुआ समिति रुक क्यों गयी और करो न बहुत hi मजा आ रहा था.

समिति - ा रे मेरी जान अभी तो और भी मजा आये गए तुम को .

अब असली काम पर आते है

चलो अब खड़े हो जाओ और मई जैसे जैसे बोलू वो hi करना समझे .

मई है में सर हिला दिया.

समिति - देखो मेरा भी फर्स्ट टाइम है और तुम्हारा भी तो पहले अपने लुंड को मेरे छूट में धीरे धीरे hi घुसंस और जब मई रुकने को खु तो रुक जाना ठीक है.

फिर समिति बीएड पर लेट गयी.

समिति- एक मिनट रुको वह पर देखो आयल का बोतल होगा ले आओ और उसे अनपे लुंड पर और मेरी छूट पर मॉल दो फिर डालना.

मई वैसा hi किया आयल को अपने लुंड पर अच्छे से लगाया और फिर छूट पर भी लगाया.

मई भी समिति के टैंगो के पास जा क्र लुंड को छूट पर लगाया.

समिति ने मेरा लुंड पकड़ क्र खा

समिति - धीरे धीरे hi डालना और मई कुछ भी बोलू तू रुकना मत ,चाहे मुझे कितना भी दर ho,ek बार पूरा घुस जाये तब hi रुकना.

मई सर है में हिलाया और मैंने देखा उसकी छूट का छेड़ तो मेरे लुंड के हिसाब से बहुत hi छोटा है अंदर जायेगा भी या नहीं मई यही सोच रहा था.

समिति ने मेरा लुंड पकड़ क्र अपने छूट पर रगड़ा और फिर छेड़ पर टिकाया और मेरा लुंड पकड़ क्र खींचने लगी मई समझ गया मुझे क्या करना है मई भी थोड़ा छूट पर दबाओ बनाया.

मेरा लुंड आयल के कारन फिस्टा हुआ थोड़ा अंदर घुस गया .

समिति का चेहरे पर दर्द साफ झलक तहत था लेकिन अभी तक कहा कुछ नहीं था मई और दबाव बनाया लेकिन अंदर नहीं जा रहा था .

समिति समझ गयी थी क्या करना है .

समिति - टाइगर अपने लुंड को थोड़ा बहार निकल क्र थोड़ा जोर से अंदर डालो.

मैंने वैसा hi किया अपने लुंड को थोड़ा बहार निकला और ताकत लगा क्र जोर का झटका मारा .

मेरा लुंड रूकावट को तोड़ता हुआ आधे से जायदा अंदर घुस गया समिति जोर से चीखी .

उसकी चीख सुन क्र मई दर hi गया था हलाकि मुझे भी बहुत दर्द हो रहा था और साथ में जलन भी लेकिन समिति से काम hi था .

मेरा लुंड में भी कुछ गरम अहसास हो रहा था जब मई देखा तो छूट से खून रिस रहा था .

मई समिति ये खून क्यों निकल रहा है कहि मेरा लुंड छील तो नहीं गया दर्द के साथ जलन भी हो रही है.

समिति दर्द से कतहते हुए - अह्हह्ह्ह्ह पागल ये सील टूटने के कारन निकल रहा है .

मई - ये क्या होता है.

समिति - हमारी छूटो में एक मांस का पतला सा दिवार होता जब लुंड पहली बार अंदर जाता है तो इसे तोड़े बिना चुदाई नहीं होती यही निसानी होती है की लड़की चूड़ी है या नहीं, सील टूटने के बाद हम लड़की से औरत बन जाती है, सील टूटने से दर्द भी बहुत होता है और रही बात तुम्हारी तो तुम्हारा भी सील टुटा है.

मई - मेरा कैसे?

समिति - लड़को का सील उसके सुपडे का मांस होता है, जब लुंड के सामने की चमड़ी पीछे खिसकती है तब सूपड़ा बहार अत है .

अभी तुम्हारा लुंड मेरे छूट में रगडाया तब लुंड की चमड़ी पीछे हुई तो तुम्हारा भी सील टुटा है समझे मई - है समझ गया मतलब दोनों की सील टूट गयी है इस लिए दोनों को दर्द हुआ.

समिति - अब धीरे धीरे लुंड को अंदर बहार क्र के चुदाई सुरु करो.

फिर मई अपने लुंड को थोड़ा बहार निकला और झटके से अंदर डाला .

लुंड थोड़ा और अंदर चला गया

समिति फिर से छिलाई ाः धीरे टाइगर पूरा आज hi फाड़ना है क्या

फिर मैंने लुंड को अंदर बहार करना चालू किया समिति कुछ देर तक दर्द से कराहती रही फिर बाद में भी उसको मजा आना सुरु हो गया अभी तक मेरा लुंड पूरा नहीं गया था मैंने सोच लिया था की चुदाई को दौरान hi धीरे धीरे करके पूरा अंदर डालुंड इस लिए मई निकलता तो धीरे था मगर वापस डालते समय थोड़ा जोर लगता था.

समिति - अहह तिगररररर बटोट hi मजा आ रहा है हआ ऐसे hi करते रहोऊ ओह्ह्ह्ह फ़क में फ़क में.

समिति के मुँह से ये सुन क्र मुझे पोर्न मूवी की यद् आ गयी उसमे भी पोर्नस्टार ऐसे hi बोलती थी.

मई - ओह्ह्ह समिति मई भी बता नहीं सकता की मुझे कितना मजा आ रहा है .

समिति - ओह टाइगर और फ़ास्ट और जोर से मेरा होने वाला है हआ या और फ़ास्ट यस यस यस ओह्ह्ह फ़क में फ़क में टाइगर ओह्ह्ह यास.

मुझे भी लगने लगा था की मेरे भी होने वाला है .मई भी जोर जोर समिताको छोड़ने लगा लुंड पिस्टन की भाटी छूट के अंदर बहार हो रहा था पुरे तेजी के साथ चुदाई चल रही थी

हमारी चुदाई से बिस्तर भी हिल रहा था समिति दोनों लंगो को फैला क्र लेती थी और मई उसके कमर को पकड़ क्र तेजी से छोड़ रहा था .

समिति - ओह्ह ः और जोर से और जोर जोर मारो फाड् दो मेरी छूट हआ ऐसे hi अह्हह्ह्ह्ह मई गयीईइ और मैंने भी कस कस क्र तीन चार झटके मारा और मई भी ढेर हो गया लुंड में 6-7 झटके के पिचकारी पे पिचकारी छोड़ तहत था और माइए भी समिति के ऊपर गिर गया .

कुछ समय बाद समिति ने मुझे अपने ऊपर से उठाया मैंने देखा की पूरा लुंड छूट में घुस गया था, मेरा लुंड धीरे धीरे छूट से बहार अत गया और आखरी में खुस के साथ साथ हम दोनों का पानी भी मिक्स हो क्र बहार आया .

तो बे कॉन्टिनोएड
 
सॉरी फॉर थे लेट अपडेट

थोड़ा बिजी था
 
अपडेट 33

कुछ समय बाद समिति ने मुझे अपने ऊपर से उठाया मैंने देखा की पूरा लुंड छूट में घुस गया था, मेरा लुंड धीरे धीरे छूट से बहार अत गया और आखरी में खून के साथ साथ हम दोनों का पानी भी मिक्स हो क्र बहार आया.

मैंने अपने लुंड को देखा जिसके सनमे की चमड़ी पीछे खिसक गयी थी और सामने गुलाबी रंग का सूपड़ा दिख रहा था .

मई अपने लुंड को देख रहा था जो समिति ने भी देख लिया.

समिति - देखा मैंने खा था न सील टूट क्र सूपड़ा बहार आ गया न .

मई - है लेकिन तुम्हारा सील टूटने से खून बहार आया.

इस बात पे हम दोनों है दिए फिर मई बाथरूम में घुस गया और फ्रेश हो क्र कपडे पहन लिया.

समिति भी बाथरूम जाने के लिए उठी लेकिन दर्द के कारन फिर से बीएड पर बैठ गई.

मई - क्या हुआ.

समिति - छूट फाड् क्र पूछते हो क्या हुआ. मुझे बहुत दर्द हो रहा है, मुझे बाथरूम ले चलो फ्रेश होना है.

मई समिति को गॉड में उठा क्र बाथरूम में ले आया और फिर सहारा देकर उसको खड़ा किये .

फिर मई उस के छूट को रगड़ क्र साफ किया खून और हम दोनों के पानी के डब्बो को साफ किया .

मई समिति को वापस गॉड में उठा क्र बैडरूम में लाया और बीएड पर लिटा दिया.

समिति- वह दर्ज में मेडिकल बॉक्स होगा ले आओ.

मई उसको मेडिकल बॉक्स ला क्र दिया उसने दो अलग अलग गोली खा ली मैंने पानी दिया फिर पूछा ये कोण सी दवाई खाई है तुम ने.

समिति- इसमें से एक गोली पैन किलर की थी और एक प्रेगनेंसी रोकने की थी,

मई - प्रेगनेंसी की टेबलेट क्यों?.

समिति - ओह्ह मई तो भूल hi गयी थी तुम्हे तो इस सब के बारे में भी बताना था.

मई- तो बताओ न मई तो ये सब तो मेरा फर्स्ट टाइम hi है न तो मुझे क्या मालूम होगा.

समिति - तो सुनो चुदाई के बाद जो तुम्हारा पानी गिरा था न तो कही मई प्रेग्नेंट न हो जाऊ इस लिए मैंने प्रेगनेंसी रोकने वाली गोली खाई ,इस एक और उपाय है चुदाई के पहले लुंड पर कंडोम लगा लो.

लेकिन मैंने अपनी फ्रेंड्स से सुना था की कंडोम से मजा नहीं आता तो मई भी तुम से उसे नहीं करवाया.

फिर समिति ने मुझे कंडोम दिखाया.

मई - अच्छा एक बात बताओ तुम्हे ये सब कैसे पता चला तुम तो आज पहली बार चुद रही हो.

समिति - वह जणू मेरे साथ रह क्र समझ दर हो गए हो.

तो सुनो मुझे ये सब कैसे पता , तुम मेरी फ्रेंड्स से तो मिल hi लिए हो सभी पूरी आईएस है, उन में से मई एक hi बची थी जिसकी सील नहीं खुली thi.baki सब तो अब तक न जाने कितने लुंड ले चुकी है एक सीतल hi है जो 2-3 बार बीएस चूड़ी है, क्यों की उसे बहोत काम hi लड़के पसंद आये है.

सभी फ्रेंड्स आपस में एक दूसरे से सभी बाटे शियर करती है अपनी चुदाई के किस्से भी बताती है और कई बार हम लोनो ने लेस्बियन सेक्स भी किया है .

यही से मुझे सब कुछ पता चल गया.

अब तुम पूछोगे की ये लेस्बियन सेक्स क्या होता है, तो मई बता दू की जब लड़किया आपस में सेक्स करती है उसे लेस्बियन कहते है.

समिति- ok अब मई थोड़ा आराम क्र लेती हु दर्द अभी भी है, तुम भी थोड़ा आराम क्र lol फिर चलते है.

मई और समिति दोनों बीएड पर लेट गए और आराम करने लगे.

समिति तो सो गयी पर मुझे नींद नहीं आ रही थी, मई उठ क्र रूम से बहार आया तो देखा की सीतल सोफे पर बैठ क्र टीवी देख रही ,टीवी पर रोमांटिक सांग चल रहा था .

जब मेरी आहात हुई तो सीतल ने मेरी तरफ dekha,or कहा

सीतल - आओ टाइगर बैठो, तो क्र लिए किला फ़तेह .

मई उसके बोलने का मतलब समझ गया लेकिन कोई परै लड़की के इस तरह बोलने से मई शर्मा गया.

सीतल एक सॉर्ट one-piece में बैठी थी जो घुटनो तक आती थी.

सीतल - ओह्ह्ह सरम आरही है लेकिन उस टाइम तो नहीं सर्मय न है ः ...

समिति खा है कहि कुछ जयादा तो नहीं क्र दिया न.

मई थोड़ा सरमते हुए - नहीं वो थोड़ा आराम क्र रही है वो थोड़ा दर्द है पैन किलर ले ली है आराम हो जायेगा.

सीतल - बैठो फिर मेरे साथ टीवी देखते है मुझे भी कंपनी मिल जाएँगी वो सभी भी सो रही है बेवडिया कहि की.

मई सामने के सोफे पर बैठ गया.

सीतल पहले दोनों पेअर निचे क्र के बैठी थी फिर थोड़ी देर बाद दोनों पेअर को ऊपर क्र के एक पेअर को घुटने को मोड़ क्र खड़ा क्र लिया फिर जब मई उस की तरफ देखा तो ...

ये क्या उसने पैंटी नहीं पहनी थी और उस की छूट साफ दिखाई दे रही थी.

मई फिर से मदहोस होने लगा.

सीतल- झा तेरी ये नजर है मेरी जान मुझे खबर है.

मई भी समझ गया उसके गाने कस मतलब और मैंने भी मोके पर चुका मरते हुए.

मई - तेरा धियान किधर है ये तेरा हीरो इधर है

सीतल - यू न****** बॉय .

ये बोल क्र वो मेरे पास आयी और मेरे आखो में देखने लगी.

लो ये भी गयी काम से.

वो मेरी आखो में देखते हुए मेरी और बढ़ने लगी और फिर तोतो से ठोठ मिल गए .

मई तो अभी अभी hi रसमलाई खाना सीखा था और मुझे अच्छा भी लगा था ऐसे मोके पर कोई और रसमलाई खाने को मिल जाये तो कोण छोड़े.

मई भी लग गया साथ देने जोरो से चूसने लगा उनके होतो को .

सीतल ने मेरा हाथ पकड़ क्र अपने बूब्स पर रख दिया.

मई भी इसरा पते hi किश के साथ साथ बूब्स दबाने लगा, इस पतली सी ड्रेस के ऊपर से मुझे पूरा अहसास हो रहा था एक तो इस ने अंदर ब्रा नहीं पहनी थी और उसके बूब्स भी समिति से बड़े थे.

सीतल ने किश तोडा, पहले मेरे शर्ट को उतरे और निचे घुटनो पर बैठ क्र मेरा पैंठ भी निकल दिया .

मेरा अंडरवियर नीचे खिसका क्र मेरा लुंड को पकड़ लिया .

सीतल - वाओ कितना बड़ा और मोटा है तुम्हारा लुंड ऊपर से ये सूपड़ा भी मस्त गुलाबी दिख रहा है.

मई- तुम्हे पसंद आया मेरा लुंड और ये सूपड़ा भी आज hi बहार आया है

सीतल - है मुझे पसंद आया और तुम दोनों ा सील एक साथ टुटा है वाओ मतलब मई सेकंड लड़की हु वाओ.

ये बोल क्र सीतल ने मेरे लुंड पर किश किया और फिर सुपडे को मुँह में लेकर चूसना सुरु क्र दिया, मेरे मुँह से अपने आप सिसकिया निकल गयी .

सीतल जितना हो सके उतना मेरे लुंड मुँह के अंदर ले रही थी वो समिति की अपेछा कुछ जयादा hi मस्त तरीके से मेरे लुंड चूस रही थी.

मई भी हलके हलके झटके उसके मुँह पे मर रहा था. क्या मस्त चूस रही थी मुझे तो लगने लगा की मई झाड़ hi न जाऊ

पर सीतल ने ये बात समझ लिया और मेरा हाथ पकड़ क्र एक रूम में ले गयी वह फिर से हमारी किसिंग स्टार्ट हो गयी मैंने उसका ड्रेस पकड़ क्र उतर दिरा और सीतल को उठा क्र बीएड पर लिटा दिया फिर टूट पड़ा उसके बूब्स पर क्या बूब्स थे बड़े लेकिन तने हुए तित दबाने में भी बहुत मजा आ रहा था और चूसने में भी .

सीतल - ओह्ह्ह टाइगर सूचक आईटी माय बूब्स हआ खा जाओ तुम्हारे hi लिए है उम्म्म्म हहू जोर से दबाओ ओह्ह काटो मत न .

और भी न जाने क्या क्या बड़बड़ा रही. मई बूब्स को दबाते हुए निचे आया और उसके पेट को चूमते हुए नाभि तक आया वाओ क्या गहरी नाभि थी जिस प्रकार कस्तूरी मृग (डियर) की नाभि से महक आती है उसी प्रकार सीतल के नाभि से महक आ रही थी .

जब मई उसकी नाभि में जीभ डाली तो सीतल के बॉडी में थोड़ा कम्पन hi हुई मई उसकी नाभि को पूरा गिला क्र के निचे आया मई जैसे जैसे निचे आ रहा था वैसे वैसे hi सीतल की बॉडी थिरक रही थी जब मई छूट तक पंहुचा और जब छूट को चूमा , उतने hi में उत्तेजना के कारन सीतल की छूट ने पानी छोड़ दिया सायद वो बहोत hi जयादा ऊठे जित हो गयी थी मई सारा पानी चाट लिए अब आदत जो डालनी थी.

सीतल लम्बी लम्बी साँस ले रही थी और रिलैक्स हो रही थी.

सीतल - टाइगर तुम ने तो कमल hi क्र दिया इस तरह एक्ससिटेमेंट कभी नहीं हुई जिस कारन मई जल्दी hi झाड़ गयी .

सीतल ने फिर से मुझे किश करना स्टार्ट क्र दिया उसकी छूट का जो पानी मेरे होठो पर था उसे पूरी तरह चूस लिए फिर मुझे बीएड पर गिरा दिया और जो अंडरवियर मेरे घुटनो में फसा था उसे निकल क्र फेक दिया .

खुद hi बीएड पर आ गयी और मेरा लुंड चूसने लगी.

लुंड को चूस क्र पूरा गिला क्र दिया फिर वो मेरे ऊपर आ गयी और अपने छूट पर भी थूक लगाया फिर मेरे लुंड को पकड़ क्र अपनी छूट पर सेट किया और धीरे धीरे उस पर बैठने लगी .

अभी आधा भी नहीं गया की सीतल के मुँह से कराहने की आवाज आयी .

सीतल - आआह मई नहीं ले पाऊँगी तुम्हारा लुंड बहुत बड़ा है मई आज तब बीएस 2-3 बार hi बस चूड़ी हु और उनमे से किसी का भी लुंड तुम्हारे जितना बड़ा नहीं था .

मुझसे नहीं होगा ये बोल क्र वो उठने लगी .

मई जल्दी से उसे पकड़ा और निचे झुका क्र किश करने लगा और उसकी पीठ को हाथो से कस लिया फिर मैंने निचे से एक तगड़ा झटका मारा.

मेरा आधे से जायदा लुंड उसकी छूट को चीरता हुआ घुस गया.

सीतल की आखें बहार निकल आयी उसे इस बात की बिलकुल भी उम्मीद नहीं थी जब उसे पता चला की क्या हुआ है तो वो मेरे चुंगल से निकलने की पूरी कोसिस करने लगी मेरे बल नोचने लगी जिस से मुझे दर होने लगा तो मई निचे से एक और झटका मारा मेरा पूरा लुंड सीतल की छूट में समां गया जिसका असर ये हुआ की सीतल पूरी तरह संत हो गयी वो बेहोस हो गई थी.

ये बड़े घर की बेतिया जितना भी ऊपर से मजबूत बनने का दिखावा करती है उतना hi अंदर से नाजुक होती है जरा सा दर्द बर्दास्त नहीं क्र पति .

एक समिति है जो पहली बार में hi मेरा पूरा लुंड ले लिया और एक ये है जो पहले से hi चूड़ी होने के बावजूद बेहोस हो गई .

थोड़े देर बाद मैंने अपने लुंड को अंदर बहार करना चालू किया जिससे उसे होस आया और वो दर्द से कराहती हुई.

सीतल - छोड़ दो मुझे, मुझे नहीं करवाना तुम से मई मर जाउंगी ाः तुम में तो फाड् hi दी मेरे छूट इतना दर्द तो मुझे पहली बार चुदाई में भी नहीं हुआ था.

मई - ा रे मेरी जानेमन अब तुम्हे कभी दर्द नहीं होगा और अब तुम मजे लो क्यों की जो दर्द होना था वो हो गया.

फिर मई मई अपने लुंड को धीरे धीरे निचे से लुंड अंदर बहार करने lga.sital कुछ समय तक दर्द से कराहती रही फिर धीरे धीरे उसकी कराहना सिसकियों में बदल गया.

सीतल- हम्म्म टाइगर धीमे करो प्लीज ओह्ह्ह तुम्हारा लुंड बड़ा है हआ ऐसे hi ओह्ह्ह थोड़ा तेज करो है यस यस बेबी या फ़क में यस यस ओह्ह्ह बेबी बहोत hi अच्छा लग रहा है ओह्ह्ह तुम्हारा लुंड मुझे अंदर तक फील हो रहा है.

मई सीतल की कमर को पकड़ क्र तेजी से लुंड अंदर बहार करने लगा पोर्न मूवी देखने का कुछ तो फायदा हु मई फुल स्पीड से सीतल की चुदाई क्र रहा था की अचानक सीतल का सरीर एक बार फिर कपङे लगा और सीतल की छूट ने पानी छोड़ दिया और वो सीधी हो क्र मेरी कमर पर बैठ गई मई भी रुक गया इस पोजीशन में मई भी थक गया था .

थोड़े देर बाद सीतल मेरे ऊपर से उठी मेरा लुंड भी पुक की आवाज के साथ सीतल की छूट से बहार आया जिस पर खून लगा था, सीतल ने मेरे लुंड को देख क्र कहा

सीतल - लगता है आज hi असली में मेरी सील टूटी है और साबुत तुम्हारा लुंड बता रहा है.

चलो अब जल्दी से अपना भी काम क्र लो समिति भी न आ जाये .

ये बोल क्र वो डौगी पोजीशन में आ गयी.

मई उसके पीछे से कमर को पकड़ क्र लुंड को धीरे धीरे अंदर क्र दिया सीतल फिर से कराह उठी.

सीतल - आह्हः धीरे मेरी जान अभी आदत नहीं हुई है .

फिर मई पहले धीरे धीरे फिर स्पीड बढ़ा दी और तेजी से छोड़ने लगा .

सीतल - ओह्ह्ह टाइगर यस और जोर से यस फ़क में ओह्ह्ह मई तो गुलाम हो गयी तुम्हारी ओह्ह्ह टाइगर पहले क्यों नहीं मिले यस ओह्ह्ह लेकिन कोई बात नहीं ी लव यू टाइगर मई तो दीवानी वो गयी तुम्हारी ओह ऐसे hi छोड़ते रो अह्ह्ह्ह yes...hu...

मैंने फिर से पोजीशन चेंज की और सीतल को बीएड पर लिटा दिया और एक तंग को कंधे पर रखा और बूब्स को पकड़ क्र लुंड को घुसा दिया और चालू होगया पेले मई तेजी से छोड़ने में लगा हुआ था और उसके बूब्स को भी दबा रहा था बिच बिच में किश भी करने लगा .

सीतल - यस माय बड़ी फ़क फ़क में हर्डर यस मेरा होने वाला है और जोर से और यस.

मेरा भी भी समय आ गया था कुछ hi धक्को के बाद सीतल का सरीर कम्पनी लगा और वो झाड़ गयी मई लम्बे लम्बे 5-6 धक्के मरे और सीतल की छूट में झाड़ गया और उस के ऊपर ढेर हो गया.

कुछ देर बाद सीतल ने मुझे उठाया और एक लम्बी किश देकर बाथरूम में चली गयी उसके आने के बाद मई भी बाथरूम में फ्रेश एंड क्लीन होने गया और आकर अपने कपडे पहने तब तक सीतल अपना ड्रेस पहन चुकी थी विथ ब्रा एंड पैंतीस क्र के साथ फिर हम दोनों व्ही सोफे पर बैठ क्र बात चित करने लगे..

तो बे कॉन्टिनोएड
 
अपडेट 34

कुछ देर बाद सीतल ने मुझे उठाया और एक लम्बी किश देकर बाथरूम में चली गयी उसके आने के बाद मई भी बाथरूम में फ्रेश एंड क्लीन होने गया और आकर अपने कपडे पहने तब तक सीतल अपना ड्रेस पहन चुकी थी विथ ब्रा एंड पैंतीस क्र के साथ फिर हम दोनों व्ही सोफे पर बैठ क्र बात चित करने लगे..

सीतल - तुम्हारे साथ बिताये ये पल हमेशा मुझे यद् रहेंगे क्या तुम मुझे अपने दिल में थोड़ी सी जगह दे सकते हो मई उसी में अपनी साडी जिंदगी गुजर लुंगी.

मई - देखो सीतल मई तुम्हे पहले से hi बात दू की समिति के आलावा दो लड़किया और है जो मुझसे प्यार करती है और मई भी सभी को बराबर प्यार करता हु, और रही बात तुम्हारी तो अचछी तो मुझे भी लगने लगी हो तुम लेकिन मई तुमसे अभी अभी तो मिला हु अभी तुम्हे ठीक से समझा भी नहीं हु तो कुछ टाइम चाहिए मुझे की तुम मेरे प्यार ले लायक हो या नहीं .

सीतल- ठीक है टाइगर मई भी कभी कुछ ऐसा काम नहीं करुँगी जिससे तुम्हे लगे की मई तुम्हारे प्यार के लायक नहीं हु.

हम बातो में लगे थे की वह पर समिति रेडी हो क्र आगयी .

समिति - टाइगर चलो चलते है टाइम हो गया है, कहि लेट हो गए तो भाभी 10 सवाल करेगी.

मई - तुम ठीक तो हो न तुम्हे दर्द तो नहीं हो रहा .

समिति - अभी दर्द तो काम है पर चलने में दिक्कत हो रही है.

सीतल- जब सील टूटता है तब ऐसा hi होता है यार घर में कोई बहाना बना देना.

समिति ने बीएस है में सर हिला दिया.

फिर हम निकल गए घर की तरफ सीतल से और मिलने का वादा किया और अपने स्कूल ड्रेस भी पहन लिए रस्ते में मैंने समिति से खा की मुझे तुम से कुछ बात करनी है-

समिति - है बोलो न अब तुम्हे कब से परमिशन लेने की जरुरत पद गयी अब तो तुम hi मेरे सब कुछ हो.

मई - समिति मई तुम्हे ये बताना चाहता हु की मई और भी लड़कियों से प्यार करता हु .

समिति - देखो टाइगर मई तुम्हे ये नहीं कहूँगी की तुम सिर्फ मेरे hi प्यार में पड़े रो लेकिन मुझे मेरे हिस्से का प्यार मिलना चाहिए.

मई और लड़कियों की तरह नहीं हु जो अपने आशिक़ को अपने चंगुल में बांध क्र रखे मई तो तुम्हे फुल छूट देती हु की एन्जॉय करो लेकिन मेरे लिए भी कुछ समय निकल लेना बीएस और मुझे कुछ नहीं चाहिए.

मई - तुम जानना नहीं चाहोगी की वो कोण है.

समिति नहीं मुझे नहीं जानना लेकिन तुम बताना चाहो तो बता दो.

मई - वो कोई और नहीं कविता और काव्य है.

समिति - क्या, क्या कहा तुम ने एक बार फिर से बोलो .

मई - वो कोई और नहीं काव्य और कविता है.

समिति - हे भगवन तुम्हे अपने hi घर की लड़किया मिली थी प्यार मोहब्बत करने के liye,bua से दिल नहीं भरा जो मेरे भतीजियों को भी पता लिया.

समिति ने अपना माथा पकड़ लिया.

मई - देखो समिति जिस प्रकार तुम ने मुझे प्रोपोज़ किया था उसी प्रकार उन दोनों ने भी मुझ से प्यार का ईशर किया मैंने कुछ नहीं किया.

समिति - इन दोनों को भी मेरे hi मॉल पर डाका मरना था .

खैर वो अभी बछिया है बाद में सम्हाल जाएँगी लेकिन मई तुम्हारे आलावा किसी और के बारे में सोच भी नहीं सकती ये मई वादा करती हु तुम से.

मई- समिति वो अब बछिया नहीं रही, बाकि की बाद में देखते है एक और बात है.

समिति - और क्या बच गया है कहि तुम ने उनकी भी.....

मई समिति की बात बात को बिच में काटते हुए - मैंने उनके साथ ऐसा कुछ नहीं किया मई पहले तुम्हारे साथ और दूसरा सीतल के साथ किया है .

ये बोल क्र मई चुप हो गया और समिति के रिएक्शन का इंतजार करने लगा.

समिति - उस कामिनी ने तुम्हे भी फसा hi लिया अपने जल में, मई उसे छोडूंगी नहीं और तुम क्यों फास गए उस की जल में.

मई- मई नहीं फसा बल्कि वो मेरे आखो के जल में फास गयी और फिर सब हो गया लेकिन मुझे थोड़ा एक्सपीरियंस भी मिल गया.

समिति - देखा मई हमेशा से hi कहती आ रही हु की तुम्हारी आखो में जादू है , इस में उस बेचारी सीतल की भी कोई गलती नहीं है.

मुझे तो ये भी लगता है की कविता और काव्य भी तेरे इन आखो के जल में hi फास गयी होंगी, हे भगवन अब क्या होगा.

मई और समिति सोचते सोचते घर पहुंचे गए, समिति ने बता दिया था की क्या बहाना बनाना है.

बुआ ने समिति को लंगड़ाते देखा तो उनके सवाल सुरु

बुआ - क्या हुआ समिति ऐसे लंगड़ा क्यों रही है और ये टाइगर तुम्हारे साथ आरहा है .

समिति - वो क्या है भाभी की मई कॉलेज से आ रही थी की अचानक मेरा पेअर मुद गया और मोच आ गयी तो चलने में दिक्कत हो रही थी इसलिए टाइगर को फ़ोन क्र के बुला लिया है न टाइगर .

मई- (हकलाते हुए) ह्ह्ह्ह है.

काव्य मुझे hi घर रही थी पता नहीं क्यों.

बुआ - ये तूने ठीक किया जो टाइगर को बुला लिया, अब जाओ अपने रूम में और आराम करो.

मई भी अपने रूम में जेक फ्रेश हुआ और बीएड पर लेट क्र सोचने लगा की मई आज hi कविता और काव्य को सब डाटा दूंगा फिर जो होगा देखा जायेगा ये सोचते हुए मई सो गया फिर रत को सब में डिनर किया और सब अपने रूम में चले गए मई अभी मोबाइल पर गेम खेल रहा था की मेरे रूम में कविता आयी और आकर मेरे गले से लग गयी.

कविता - आह कितना सुकून मिलता है तुम्हारी बहो में मई बता नहीं सकती.

फिर मुझसे अलग हुए.

मई - कविता मुझे तुम से बहुत जरुरी बात करनी है .

कविता - है बोलो न क्या बात है खो तो मई तुम्हारे साथ hi सो जाती हु फिर हम आराम से बात क्र सकते है.

मई - कविता ी ऍम सीरियस.

कविता - ok ok बोलो.

मई - एक मिनट ,ये बोल क्र मई काव्य को मैसेज किया की मेरे रूम में आजाओ.

कुछ देर बार काव्य भी मेरे रूम में आगयी .

कविता- ये काव्य को क्यों बुलाया है.

मई- जो बात है वो तुम दोनों से रिलेटेड है .

काव्य - तो बोलो न क्या बात करनी है.

मई - वो मैंने तुम से कहा था न की मेरी पहले से hi गर्ल फ्रेंड है तो वो कोई और नहीं कविता है.

और कविता (कविता की तरफ देख क्र)

काव्य भी मुझ से प्यार करती है.

दोनों बहाने कभी मुझे तो कभी एक दूसरे को देख रही थी.

तुम दोनों को जो भी फैसल करना है वो अभी क्र लेना मई ऊपर चाट पर हु और आकर मुझे बताना.

अब ये दोनों बहनो का क्या फैसला होता है जानेगे नेक्स्ट अपडेट में
 
अपडेट 35

दोनों बहाने कभी मुझे तो कभी एक दूसरे को देख रही थी.

तुम दोनों को जो भी फैसल करना है वो अभी क्र लेना मई ऊपर चाट पर हु और आकर मुझे बताना.

मई अभी चाट में आकर टहल रहा था और सोच रहा था की अभी तो इन दोनों को एक दूसरे के बारे में hi पता चला है अगर समिति के बारे में पता चला तो क्या होगा.

अभी तो फ़िलहाल ये मामला निपट जाये बाद में समिति के बारे में सोचूंगा.

कुछ आधे पों घंटे बाद दोनों चाट पर आयी और कड़ी हो गयी

चाट में पूरा सन्नाटा छ गया था.

मैंने hi बात की शुरुआत की

मई - तो क्या फैसला है तुम दोनों का.

काव्य - हम दोनों ने फैसला लिया है की..

मई - जल्दी बोलो क्यों मेरा हार्ट बीट बढ़ा रही हो.

कविता - हु दोनों को कोई परेशानी नहीं है की तुम हम दोनों से प्यार करते हो लेकिन हमे बराबर प्यार मिलना चाहिए .

मई - सही फैसला लिया तुम दोनों ने और मई तुम दोनों में कोई अंतर नहीं करूँगा.

अब आजाओ गले भी लग जाओ फिर दोनों ने सरमते हुए मुझे गले लगाया और मैंने बरी बरी से उनके माथे पर किश किया फिर हम सभी अपने अपने रूम में सोने चले गए .

अगली सुबह व्ही डेली का काम सुबह 5 बजे उठा और रेडी हो के मॉर्निंग वाक के लिए रूम से निकला मगर ये क्या सामने सोफे पर रेडी को क्र काव्य बैठी थी .

मई - काव्य तुम आज कैसे इतनी सुबह उठ गयी तबियत तो ठीक है न .

काव्य - मेरी तबियत ठीक रहे हमेसा इस लिए hi तो मई आज से तुम्हारे साथ वाक पर जाउंगी , और तुम्हारे साथ कुछ समय और बिता लुंगी.

मई अपने मन में - ये लड़की तो मेरे साथ रहने का एक भी मौका नहीं छोड़ती, कहि बाद में ये न बोल दे की मई तुम्हारे साथ तुम्हारे बीएड पर hi सोऊंगी ये लड़की कहि मुझे मरवा न दे .

मई अपने सोच से बहार आते हुए - है चलो फिर .

मई और काव्य निकल गए पार्क की और मई काव्य के साथ हलके हलके रनिंग क्र रहा था पार्क में पहुंच क्र एससीसे करने लगा, मई जैसे करता वैसे hi काव्य भी करती थी जब मई थोड़ा हार्ड एससीसे किया तो वो उससे नहीं हो रहा था, तो वो मुझे कहने लगी-

काव्य- ये मुझ से नहीं हो रहा है तुम सिखाओ न.

फिर मई काव्य को बताने लगा की क्या कैसे करना है फिर भी उस से नहीं हो रहा था तो मई उसे पकड़ा क्र बताने लगा मुझे सररत सूझी मई काव्य को झुका क्र एक हाथ निचे दूसरे को ऊपर की तरफ गुमा क्र पूरी बॉडी को घुमा रहा था मई अपने दोनों को उसके दोनों बूब्स पर रख क्र जोर से दबा दिया.

काव्य अपने बूब्स को सहलाते हुए ाः कमीने तुम मुझे एससीसे शिखे के बहाने मेरा फायदा उठा रहे हो मई तुम्हे नहीं छोडूंगी.

ये बोल क्र वो मेरे पीछे भागने लगी, लेकिन मई खा उसकी पकड़ में आता वो थक क्र एक बेंच पर बैठ गई और अपने बूब्स को सहलाते हुए मुझे देख रही थी मई भी उसको जायदा तंग न करते हुए उसके पास आकर बैठ गया .

मई - जायदा hi दर्द हो रहा है क्या .

काव्य- और नहीं तो क्या ये हम लड़कियों का सेंसिटिव पॉइंट होता है , मैंने तुम्हे इन्हे दबाने से थोडिना मन किया है दबाओ मगर प्यार से हलके हलके, ये नहीं की जोर se,ye सब तुम्हारा hi तो है मेरी जान ,तुम जब चाहे तब दबा लो चूस लो.

मई - सॉरी बाबा मई तो मजाक में hi दबा दिया और ये सब करने का समय अभी नहीं आया है.

अब चलते है स्कूल भी जाना है फिर हम घर आ गए और स्कूल के लिए रेडी हो क्र निकल गए स्कूल की तरफ ये काव्य आज भी मेरे साथ साइकिल में जाने वाली थी . स्कूल पहुंच क्र पता चला की 2 वीक बाद हमारे फाइनल एग्जाम होने वाले है तो अब से स्कूल आने की जरुरत नहीं है घर पर hi पढाई करनी है.

फिर हम लग गए पढाई करने के लिए काव्य भी मेरे hi रूम में आकर पढाई करती थी, मई तो सिर्फ पढाई पर धयान लगता था मगर काव्य भींच भींच में सररत करती रहती थी मई उसे जो क्वेश्चन सोल्वे नहीं होते उसे सोल्वे क्र के देता था इस बिच कविता रत में सब के सोने के बाद मुझे गुड नाईट किश जरूर देने आती थी.

समिति ने भी अपने से hi कह दिया था की अब जो होगा वो हम दोनों के एग्जाम के बाद hi होगा .

हमारे एग्जाम अभी एक वीक बचे थे की इस बिच एक दिन अचानक फूफा जी आये और अपने प्रमोशन की खबर सुनाई की वो आर्मी इंटेलीगेंसी डिपार्टमेंट से जुड़ गए है तो अब से वो मिशन पर जायेंगे तो घर बहुत कम hi आ पाएंगे और कोई कांटेक्ट भी नहीं हो पायेगा .

ये सुन क्र हम सब को खुसी भी हुई और दुखी भी हुए खास क्र बुआ को जो उनके चेहरे से दिख रहा था.

फूफा जी के आने से पढाई थोड़ी काम होती थी क्यों की वो इतने दिनों बाद आते थे तो सब को उनके साथ थोड़ा टाइम बताना था लेकिन फूफा जी खुद hi हमे पढाई के लिए बोलते थे की एग्जाम में फर्स्ट आये तो तुम्हे ये दूंगा वो दूंगा ेट्स .हम भी पढाई क्र लेते थे.

अभी फूफा जी को आये हुए तीन दिन hi हुए थे की उनके फ़ोन पर मैसेज आया की उन्हें जल्दी hi .......... जगह पर पहुंचना है .

फूफा जी ने अपनी पैकिंग स्टार्ट क्र दी इस में बुआ ने भी उनकी हेल्प की.

सभी के चेहरों पर उदासी छ गयी थी और बुआ तो रोने भी लगी थी .

फूफा जी ने सभी को ठीक से रहने को कहा और जल्दी hi आने का बोल क्र निकल गए. उस दिन किसी का भी मन किसी भी चीज में नहीं लग रहा था सभी ने बे मन से थोड़ा बहुत hi खाना खाया और सोने चले गए .

कुछ hi दिनों में हमारे एग्जाम सुरु हो गए .

पहला एग्जाम बहुत hi अच्छा गया , हर एग्जाम के बाद 1-2 दिन की छुट्टी थी .

इस तरह hi 2और एग्जाम हो गए सभी बहोत hi अच्छा जा रहा था .

इस बिच एक दिन सुबह मुझे ऐसा लगा की कोई मेरे लुंड को चादर के ऊपर से hi सहला रहा है जब मई हिला तो उसने भी अपना हाथ हटा लिया और मुझे उठाने लगी जब मैंने आखे खोली तो मई क्या देखता हु ये तो बुआ है.

जब से मेरा एग्जाम सुरु हुआ है तब सी मई देर रत तक पढाई करता हु तो सुबह मुझे बुआ hi उठाने आती थी.

मई बुआ को देख क्र सोचने लगा की बुआ मेरे लुंड को सच में सहला रही थी या मई सपना देख रहा था.

मई अपनी सोच में गम था की बुआ की आवाज आयी -

बुआ - बीटा चलो उठ जाओ एग्जाम देने भी जाना है .

मई भी ये सब बाद में देखूगा का सोच क्र रेडी हो क्र एग्जाम देने चला गया .

अब तो ये रोज का होने लगा हर सुबह बुआ मेरे लुंड को कभी सहलाती तो कभी मुट्ठी में पकड़ा करती थी .

मई कुछ नहीं बोलता था और सोया hi रहता जब तक बुआ खुद hi नहीं लगाती थी तब तक.

आज हमारा लास्ट एग्जाम था मेरा तो सभी एग्जाम परफेक्ट गए थे काव्य को पूछा तो उसने भी ठीक था कह दिया.

उस दिन मई और काव्य शाम को घूमने गए और मॉल में कुछ ड्रेस वगैरा लिया , मॉल में दोनों बॉयफ्रेंड गर्लफ्रेंड की तरफ हाथो में हाथ दाल क्र घूम रहे थे फिर हम एक लेडीज वेरे सेक्शन में गए वह काव्य को ब्रा एंड पैंतीस लेनी थी वो भी मेरे पसंद की

सलेसगिरल- गुड इवनिंग सर & मम, जी मम क्या दिखू आपके लिए .

काव्य - जी मुझे ब्रा एंड पैंटी चाहिए वो भी डिज़ाइनर .

सलेसगिरल - मम आपका साइज क्या है.

काव्य - 34- 26-36 .

मई (धीरे से कण में) ये किश चीज का साइज है.

काव्य - ये मेरे boobs,kamar और बोम के साइज है .

फिर सलेसगिरल ने बहोत सी ब्रा पैंटी दिखाई उन में से मई मैंने दो जोड़ी फ्लावर्स डिज़ाइन वाली ब्रा एंड पैंटी पसंद आयी और वो काव्य ने रख ली .

सलेसगिरल- मम आपका बॉयफ्रेंड हैंडसम के साथ इन चीजों में भी काफी नॉलेज रखते है.

काव्य - थैंक्स मैंने hi सब सिखाया है (झूट).

फिर मई काव्य को वेट करने को बोल क्र मई जेवेलरी शॉप पर गया वह से मैंने एक सूंदर गोल्ड की रिंग ली और वापस काव्य के पास आज्ञा.

फिर हम वह से निकल क्र एक बढ़िया सा रेस्टोरेंट में गए वह पर मैंने काव्य को वो रिंग पहनाई काव्य बहुत hi जयादा खुस हुई और मुझे सब के सामने किश क्र दिया सब लोगो ने तालिया बजे तब काव्य ने किश तोडा और शर्मा गयी फिर हम लोगो ने डिनर किया और निकल गए घर की तरफ.

घर आकर हम अपने अपने रूम में चले गए .

कुछ समय बाद बुआ मेरे रूम में दूध का गिलास लेकर आयी.

मई बुआ आज मई चैन से सोना चाहता हु तो मुझे सुबह उतने मत आना. बुआ - ठीक है ये दूध पि लो फिर चैन से सो जाओ .

ये बोल क्र बुआ दूध का गिलास टेबल पर रख क्र चली गयी ....

मई आज रत से अनजान था की क्या होगा मेरे साथ..

तो बे कॉन्टिनोएड
 
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