Saurya - ek youdha (Completed) - SexBaba
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Saurya - ek youdha (Completed)

hotaks

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Dec 5, 2013
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Hi फ्रेंड मैंने स्फोरम पर काफी स्टोरीज पड़ी है और अब मई भी अपनी एक स्टोरी पोस्ट करने जा रहा हु अब ज्यादा वक्त न लेते हुए

स्टोरी प चलते ह जैसे जैसे लोग मिलते रहेंगे उनके बारे म बताता जाऊंगा .

सो लेटस जो
 
अपडेट 1

"ारी ू भाई ये बस किशन पुर जाएगी क्या ?" पूछा किसी ने

कंडक्टर- नहीं भैया इ बसवा तो माधवपुर जाएगी . तुमको जाना है का ?

मादवपुर का नाम सुनते hi पता नहीं क्यों व्यक्ति क चेहरे क रंग hi उड़द गए.

"अरे मोहित बाबू आप आज अकेले बस स्टैंड पर चलिए हम आपको आपके बस तक छोड़ देते है." आते हुए एक लड़के ने कहा

मोहित - अरे सौर्य तुम हो क्या ?

लड़का - है मोहित बाबू पर आप अकेले यहाँ क्यों आ गए और मोती कहा है .(लड़के ने मोहित क चहरे को देखा तो उसे लगा कोई परेशानी होगी )

मोहित - मोती को हम hi गिफ्ट पैक करने बजे है आज तुम्हारे घर जो पार्टी ह उसके लिए अब आ hi गए हो तो जलगे चलो वर्ण तुम्हारी बहाने हमसे रूत जाएगी.

सौर्य - चलिए हमारा हाथ पकड़िए और चलते है

मोहित बाबू ने सौर्य का हाथ पकड़ा और चल दिए दूसरे बस स किशनपुर की तरफ.

बस पर बैठते hi सौर्य सोचने लगा की क्या उसकी बहनो को उसका गिफ्ट पसंद आएगा भी या नहीं . और वही मोहित बाबू अपने परेशानी क बारे म सोचने लगे (जो बाद म पता चलेगा) .

ऐसे hi 2 जानते म दोनों लोग पहुंच गए किशनपुर और दोनों hi बड़े कुश लग रहे थे हो भी क्यों न एक अपनी बहनो क पास जा रहा था पुरे 2 साल बाद और एक अपने दोस्त क पास (सौर्य क पापा ).

बात ये है की सौर्य अपना 12तह क एग्जाम दे क्र वापस अपने गाओं जा रहा था वो भी पुरे 2 साल बाद

(अब यहाँ स सौर्य की जगह म लिखूंगा )

मैं बहुत दिनों बाद अपने गाओं अपनों क पास आ रहा था जहा म बड़ा हुआ ये जगह बहुत hi अछि ह यहाँ पर चारो तरफ सिर्फ खेत hi खेत ह जो की देखने म बहुत सुन्दर ह और भी देखने लायक चीजे है जैसे यहाँ का पुराण mandir,talab और पुराणी भूतिया हवेली भी

मैं बस स उतर क्र यही सब सोच रहा tha.maine घर म किसी को भी आने क बारे म नहीं बताया था इसी लिए कोई बी नहीं आया मुझे लेने . बस स्टॉप पर hi मुझे मोती मिल गया जो की हाथ म कुछ पकड़ डब्बे लिए खड़ा था और मोहित बाबू का वेट क्र रहा था . वो अभी इधर उधर देख hi रहा था की मैंने उसे आवाज दे क बुलाया वो जल्दी स आया और हमारे लिए रिक्साव का इंतजाम किया और हम चल दिए घर की तरफ .

यहाँ स हमें घर जाने क लिए काम स काम 20 मिनट लगने थे म और मोती गाओं क खूबसूरत नजरो म खो गए और मोहित बाबू रिक्साव वाले स बाटे करने लगे .

अब हम पहुंच गए मेरे घर. घर देखने म ज्यादा बड़ा नहीं था. 2 माजिला घर ह जिसमे 5 कमरे ह और 2 बाथरूम और निचे क फ्लोर प 2 रूम और एक बाथरूम ह एक रूम पापा क है और एक हमेसा बंद रहता ह पता नहीं क्यों.

और ऊपर क फ्लोर पर 3 रूम और एक बाथरूम ह जिसमे स एक मेरा एक तिया और तानिया का और एक गेस्ट रूम.

चलिए अब अपने परिवार स मिलवाता हु .

अभिषेक दीक्षित - डैड (पैसे स किशन ह हमारी ज्यादा जमीं तो नहीं ह फिर भी हमारे गुजर बसर क लिए ठीक ह )

संजना दीक्षित - माँ (हाउस मेकर ह बहुत hi स्वीट और सबको प्यार करने वाली )

तिया एंड तान्या Dixit-sis(dono ट्विन्स ह हमेसा सबको प्रेसन करना यही इनका काम ह अभी गाओं क स्कूल म 10 म पड़े क्र रही ह)

ये थी मेरी फॅमिली .

बैक तो स्टोरी...

हम पहुंच गए और मैंने मोहित बाबू को रिक्साव स उतरा और अपना सामान भी कुछ सामान मोती को दिया और कुछ खुद ले लिया और पहुंच गए म घर क गेट पर म बेल्ल बजने hi वाला था की किसी न दरवाजा खोला और मुझे देख एकदम स चौक गया म भी ऐसे नहीं जनता था पर देखने म सभ्य मालूम हो रही थी मैं उनको देख hi रहा था की पीछे स मेरी माँ आई और मुझे देख कुश हुई और परेशान भी . मैंने ये नोटिस कर लिया था.

मुझे लगा की ये मेरी माँ की कोई फ्रेंड होगी मैंने भी उनके पेअर छुए पर उन्होंने तो मुझे गले hi लगा लिया . उनके गले लग क मुझे बिलकुल अपना सा महसूस हो रहा था कुछ देर ऐसे रहने क बाद मुचे अपने कंधे पर गीलापन महसूस हुआ जब मैंने देखा तो वो रू रही थी मुझे ये बहुत hi अजीब लगा और बुरा भी. अब म कुछ कहता उससे पहले hi मेरी बहनो की एंट्री हो गई जो की अपने फ्रेंड्स को इन्विते करने गई थी बर्थडे पार्टी क लिए . मुझे देखते hi मेरे पास आई और कूद गई मेरे ऊपर भैया भैया चिल्लाते हुए . जब ये सब हो रहा था तब वो औरत बस हमें देखे जा रही थी और मुस्कुरा रही थी और माँ ाप्त नहीं क्यों कुछ परेशां सी दिख रही थी.

अब मैंने अपनी दोनों बहनो को कूद स अलग किया और उन्हें बर्थडे विश किया जिसे सुन क्र वो औरत मेरी माँ को खा जाने वाली नजरो स देखे जा रही थी.

अब मई अपनी माँ क पास गया और उनके पेअर छुए तो उन्होंने भी मुझे गले लगा लिया और वही सभी माँ का डायलॉग चिपकका दिया "कितना पतला हो गया ह कहता नहीं क्या ..."

मैं- माँ म बिलकुल फिट हु पर आप कुछ परेशान नजर आ रही ह.

माँ - नहीं बीटा म तो कुश हु की तुम आ गए प्रेसन तो पहले थी क्यूंकि तुम्हारी बहनो न कहा था जब तक तुम न आये तब तक ये दोनों खन्ना नहीं खाये gi.(baat को बदलते हुए).

मैंने दोने की तरफ देखा और माँ को बोलै आप खाना लगाओ . अभी तक वो औरत हमें hi देखे जा रही थी . माँ न उन्हें बैठने को कहा और वो खुद खाना लेन चली गई .

अभी माँ किचन क अंदर hi गई थी क बहार स मोहित बाबू और मोती दोनों अंदर ए.

मोहित बाबू को देख क्र वो औरत बोल पड़ी - अरे छोटू तुम यहाँ क्या क्र रहे हो.

मोहित बाबू तो आवाज सुनते hi घबरा गए .

मोहित - c..cho..choti मालकिन aa..aaaap यहाँ .

मोती का भी फेस बिलकुल वैसा hi हो गया पर वो कुछ न बोलै

aurat(kadk आवाज म ) - कितनी बार बोलै ह दीदी बोलने को मालकिन नहीं पर तुम हो की..

आवाज सुन क्र माँ किचन स बहार आयी हाथो म थाली लिए और बहार जो देखा उसे देख तो एक दम स चिंतित hi हो गई. पर खुद को संभल क्र बोली -छोटी मैंने hi मोहित को यहाँ क बारे म बताने स मन किया था किसीको.

औरत - पर क्यू दीदी आप मुझे तो बता सकती थी न ये सब या आप मुझसे भी नाराज ho(bolte हुए उनकी आवाज कुछ भरी होने लगी)

मई और मेरी बहने बस ये सब देखे जा रहे थे हमे कुछ समझ नहीं आ रहा था .

माँ - नहीं छोटी तुम गलत समाज रही हो पहले खाना खा लो फिर म तुम्हे बताती हु.

हम तीनो भाई बहन कब स चुप बैठे थे की तभी तिया स रहा नहीं गया और उसने पूछ hi लिया .

Tiya-Mom ये आंटी कोण ह ? और य मोहित भैया इनको छोटी मालकिन क्यों बोल रहे ह ? और य आपको दीदी क्यों बोल रही ह ?

माँ - बीटा पहले खन्ना खा लो फिर बताती हु

फिर सभी न खन्ना खाया और बैठ गए बाटे करने दोपहर का समय हुआ था अभी.

मोहित - दीदी अप्प बाटे करो म जरा अभिषेक भाई स मिल क्र आता हु .(और वो चले गए मोती क साथ )

माँ - बीटा य तुम्हारी छोटी मस्सी ह.

ये हम तीनो क लिया किसी बूम स कम नहीं था चुकी हमे बताया गया था की हमारे पेरेंट्स अन्ततः ह .

मैं- पर माँ अपने तो कहा था की आप और डैड अन्ततः हो .

मेरा बस इतना hi कहना था की वो औरत जोर स चिल्लाई माँ क ऊपर -ानाथ! ये बताया ह अपने इनको की अप्प और जीजू अन्ततः हो

माँ -पूनम मैंने और तुम्हारे जीजू न वही किया जो हमें सही लगा वैसे भी उस वक्त हमने उनसे रिस्ता तोड़ hi लिया था उनलोगो की वजह स हमने बहुत कुछ खोया ह( बोलते बोलते माँ रोने लगी )

मैं उठ क्र माँ क पास गया और उनको गले लगा लिया एयर चुप करने लगा . कुछ देर म माँ चुप हुई तो वो फिर बोली

माँ- आज भी याद ह वो दिन जब पापा न gudiya(Saifali) को बस इसलिए घर स ढाका दे क्र निकल दिया ककी वो डीप स शाद्दी करना कहती थी प्यार करती थी वो डीप स और डैड न उसे निकल दिया घर स. मैं कभी खुद को माफ़ नहीं कर पाऊँगी की मेरे सामने मेरी गुड़िया क साथ ऐसा कुछ हुआ और म देखती रही बस . उस दिन hi मैंने अभिषेक क साथ घर छोड़ने का मान बना लिया था.

मैं और मेरी बहने तो बस ये सब सुन क शॉक म हे थे.

पूनम मौसी- पर घर वालो न आपके और जीजू क मौत की खबर दी थी हमें और मैंने तो अपनी आँखों स आकपी और जीजू की बॉडी देखि थी उस कार ब्लास्ट क बाद.

माँ कुछ बोलती उससे पहले hi घर म 7 लोगो की एंट्री हुई...
 
अपडेट - 2

अब तक -

माँ कुछ बोलती उससे पहले 7 लोगो की एंट्री हुई

आगे-

ये थे अभिषेक , मोहित , दिग्विजय , रेशमा , , बॉबी और सुद्धा. इनमे स कुछ लोगो को देख क्र तो पूनम को मनो 440 वाल्ट का झटका लग गया हो ऐसी सकल हो गई थी उसे कुछ समाज नहीं आ रहा था वो कैसे रियेक्ट करे. बाकि सभी का भी यही हल है ककी किसी न भी उससे यहाँ पाने की उम्मीद नहीं की थी और अब जब वो आ गई थी तो उनको समाज नहीं आ रहा था की कैसे उसके सवालो का जवाब दे.

चलिए अब इन के चरक्टेर्स पर आते ह

मोहित - इसकी माँ संजना और उसके भाई बहनो क देख भल करती थी. संजना इसे अपने भाई की तरह hi मानती थी

रेशमा राजपूत - कहने को तो हमरी पडोसी ह मगर dad(Abhishek) न इन्हे अपनी बहन hi मन ह सो य ह मेरी बुआ

दिग्विजय राजपूत - ये ह मेरे फूफा यानि रेशमा बुआ क पति. बड़े hi सककी मिज़ाज़ क आदमी ह जल्दी किसी प भरोसा नहीं krte(q वो आगे पता चलेगा)

शिल्पा दीदी - ये ह रेशमा बुआ की बेटी पहले तो मुझसे बात भी नहीं करती पर अचानक 3 साल पहले स इनमे मेरे प्रति बड़े hi अजीब बदलाव आये और अब ये मुझसे सबसे ज्यादा प्यार करती ह .(क्यू आगे पता चलेगा)

बॉबी & सुद्धा - ये दोनों डॉक्टर्स ह हमारे गाओं क हॉस्पिटल म और साथ hi मेरे माँ डैड क अचे फ्रेंड्स भी

बैक तो स्टोरी.....

पूनम - तुम लोग यहाँ हो मैंने न जाने कहा कहा तुम लोगो को डुंडा ह पिछले 17 सालो म (रेशमा की ओर ) तुम्हे पता ह तुम्हारे और डीप क जाने क बाद दिव्या दीदी का क्या हाल हो गया ह (दिग्विजय की तरफ देख क) तुम तो बेस्ट फ्रेंड थे न मेरे तुम तो बता क जा सकते थे पर ( और रोना सुरु क्र दिया फिर स)

माँ स उनका इस तरह रोना देखा न गया तो वो उनको चुप करने लगी और शिल्पा दीदी को हम tino(main,tiya , तानिया ) को बहार ले जानने को कहने लगी पर डैड न हमें रूक लिया और बोले

डैड - संजू (प्यार स माँ को ) हमें अब और नहीं छुपाना चाहिए इनसे हमारे परिवार वालो क बारे म.

माँ - नहीं कभी नहीं (गुस्से म) ( शिल्पा दीदी की तरफ देख क्र) तुम इन्हे मार्किट ले जाओ और शॉपिंग करवा दो

शिल्पा दीदी - (मेरी ओर ) चलो सौर्य

मैं जाना तो नहीं चाहता था पर माँ क गुस्से स लाल चेहरा देख जाना पड़ा और हम चारो निकल पड़े मार्किट की ओर

हमारे निकलते hi दिग्विजय न अपने फ़ोन पर कुछ किया जिससे उनकी कोई भी आवाज घर स क्या हॉल स भी बहार नहीं आयी

उअके बाद शुरू हुआ उनका डिस्कशन जो हम सुन न सके तो चलते ह मेरी ओर मार्किट म

मैं बस यही सोच रहा था की क्या हुआ होगा mom-dad क साथ जो उन्हें चुप क्र रहना पड़ा

मैं सोच hi रहा था की शिल्पा दीदी ने मुझे बीएस इतना बोलै

दीदी - सायद अब वक़्त आ गया है तुम्हारे सच जानने का

सब- क्या आपको सब पता ह

दीदी - हां भी और नहीं भी

मैं - मतलब ?

दीदी - मतलब य की म बस उतना hi जानती हु जितना मुझे mom(Reshma बुआ) न बताया ह और कुछ नहीं

मैं - दीदी आप हमें बताओ किस वजह स माँ - डैड को ये अपनी मौत का नाटक करना पड़ा

दीदी - देख सौर्य ये तो मुझे पता नहीं पर म तुम्हे तुम्हारे नाना नानी क बारे म बता सकती हु

मैं - बताओ हमें

दीदी - तुम्हारे माँ एक बहुत बड़ा परिवार ह जिसमे तुम्हारे नाना -नानी , दो मां- ममी कुछ बहने है और पूनम आंटी की तरह 3 मस्सी भी .

अभिषेक अंकल क पास एक बड बड़ा घर भी ह पर कुछ हुआ जिसके बाद तुम्हारी माँ क कहने पर उन्होंने सब छोड़ दिया और यहाँ आ गए और ऐसे रहने लगे एक दिन डैड को कही स पता चला की अभिषेक अंकल इस गाओं म ह तो उन्होंने भी यही रहना सुरु क्र दिया . फिर ऐसे hi बॉबी अंकल भी आ गए

मैं - क्या हुआ था माँ डैड क साथ?

दीदी - ये मुझे भी पता नहीं

तिया - दीदी हमारी फॅमिली कहा ह और कैसी ह ?

मैं - है दीदी और ये सैफअली और डीप इनका क्या चाकर ह ?

दीदी - (अब इसे कैसे बताऊ की ये दोनों इसके माँ - डैड है ) सफली आंटी तुम्म्हारी मस्सी ह और डीप अंकल उनके पति जिनको किसी न किडनैप किया था फिर आज तक उनके बारे म कुछ भी पता नहीं चला ह

मैंने जब य सुना तो मुझे बहुत बुरा लगा.

तान्या - आप हमे नाना नानी क बारे म बताओ

दीदी - आपके नाना जी का नाम दिलावर सिंह ह

नाना जी की फॅमिली-:

नाना जी - दिलावर सिंह

नानी जी - शर्मीला सिंह

बड़े मां- समशेर सिंह

बड़ी ममी - नैना सिंह

छोटे मां - रितेश सिंह

छोटी ममी - अलका सिंह

बड़ी मासी - अनुराधा कश्यप

बड़े मौसा - पवन कश्यप

मंजलि मासी -पूनम तेखुर

मंजले मौसा - विक्रम तेखुर

छोटी मासी - सैफअली गुप्ता

छोटे मौसा -डीप गुप्ता

{NOTE-POONAM और सैफअली ट्विन्स ह }

तुम्हारी 6 बहने भी ह और सभी एक HI सोल्लगे म पढ़ते ह सिवाए एक क

बड़े मां की बेटी -:

कीर्ति (मब्ब्स)

प्रीति (B.TECH)

छोटे मां की बेटी- मोहिनी (बी. सक )

बड़ी मासी की बेटी -:

प्रगति (ललब)

निधिमा (B.COM)

मंझली मासी की बेटी

सैफअली ( अभी 7तह म है) - ये देखने म बिलकुल तुम्हारी छोटी मासी की तरह ह इसलिए उसका नाम भी उन्ही पर रखा ह पूनम आंटी न

बैक तो स्टोरी-:

दीदी कुछ बोलती उससे पहले hi मेरा फ़ोन बज उठा जब मैंने नंबर देखा तो मैं जल्दी स दीदी स दूर हो गया और कॉल पिक किया

मैं- बोलो क्या इन्फो है

उधर से - सर आप पे हमला होने वाला ह

मैं - किसकी हिमत हो गई किंग पर हमला करने की एजेंट05

एजेंट05 - सर कुछ जो हमला क्र रहा ह वो सायद जनता नहीं की आप किंग हो

मैं - क्या मतलब

एजेंट05 - don't क्नोव सर बूत कोई भी चाकू स किंग पर हमला नहीं करेगा

मैं- उसको उसकी जगह स उठा लो और हेडक्वाटर ले जाओ म कल आ रहा हु और गिफ्ट का क्या हुआ?

एजेंट05 - सर गिफ्ट रेडी ह आपको आज रात तक मिल जायेगा

मैं - ठीक ह एजेंट05

और कॉल कट क्र म जल्दी स दीदी क पास गया

मैं - दीदी क्या दिलावर सिंह सच म हमारे नानाजी ह

दीदी - है और वो बहुत hi पावरफुल भी ह कभी भी कोई उनसे नहीं उलझता

main-(sala किस्मत ख़राब ह मुझे केस भी मिला तो मेरे नाना का ) क्या हम उनसे मिल सकते ह

दीदी - क्या तुमने अपनी माँ की बात नहीं सुनी थी वो तो तुम्हे उनके बारे म बताना भी नहीं चाहते थे और तुम हो की मिलना कहते हो

मैं -(आखिर हुआ क्या था जो ये माँ डैड इतने मजबूर हो गए ) ठीक ह दीदी म नहीं मिलूंगा

तिया & तान्या- हम भी नहीं मिलेंगे

फिर हमने मार्केटिंग की और चल दिए घर की और अब शाम क 5 बजने को थे

जब हम घर पहुंचे तो तब तक सायद सभी की बाटे ख़तम हो गई थी और सभी घर को डेकोरेट करने म लगे थे मोहित बाबू सोफे पर बैठे थे और पूनम मासी और माँ किचन म स बहार आ रही थी जब उन्होंने हमे देखा तो बोली

पूनम - बीटा तुम्हारे मौसा जी और बहन भी आ रहे ह तुम लोग जल्दी स तैयार हो जाओ

मैं - ठीक ह मासी

और हम चारो चले गए तैयार होने. रूम म आते hi मैंने सबसे पहले किसी को कॉल किया

मैं - एजेंट 02 तुम्हे कुछ पता करना है

एजेंट02 - यस सर बताये

मैं - मुझे दिलावर सिंह स जुड़े हर एक इंसान की कुंडली चाहिए कल सुबह तक

एजेंट02 - सर म तरय करती हु

मैं - और एक बात तुम एजेंट 06 को बोलो दिलावर क पुरे परिवार पर नज़र रखे और मुझे उपदटेस देता रहे

एजेंट02 - ok सर

मैंने कॉल कट किया और तैयार होने लगा पार्टी क लिए

वही एक सुनसान स जगह पर कुछ लोग बाटे क्र रहे है चलिए सुनते ह (आदमी 1,आदमी2 लिखुगा)

आदमी 1- ये कैसे हो सकता है डीप को तो हमने अपने हाथो स मारा था फिर वो वापस कैसे आ सकता है

आदमी 2- पता नहीं पंकज पर तुमने भी तो फोटो देखि ह न ये वही ह

pankaj(admi 1) -नहीं यार पर ये तो जवान दिख रहा ह

आदमी2 - सायद य उस फॉर्मूले की वजह स हो

पंकज - अगर ऐसा ह तब तो मेरी सैफअली भी जिन्दा hogi(kmini मुस्कान क साथ बोलै)

आदमी2- ये तो अब हमे उसके यहाँ आने पर hi पता चलेगा

पंकज- अभी तक ये बुनती आया कुए नहीं सेल को बोलै था जल्दी आने को

आदमी 2 - आ जायेगा रुको तो सही

तभी आदमी 2 का फ़ोन बजा

आदमी 2 - बोलो क्या हुआ

उधर स- मालिक बुनती भाई को किसी न उठा लिया ह

आदमी 2 - क्या बकते हो दिमाग सही ह न तुम्हारा

उधर स - मालिक हम सच बोलता हु देय थो आदमी आया और बुनती भैया को पकड़ क ले गया

आदमी2 - तुम क्या क्र रहे थे

उधर स- मालिक हमका तो बड़े म पता चला नहीं तो हम ऐसा होवो न देते

आदमी 2- उनका पता लगाओ और बुनती को जल्दी दुंदु

कॉल कट

पंकज - कौन हो सकता ह जिसने बुनती जैसे त्रिनेड फाइटर को उठा लिया

आदमी2 - जो भी हो कोई आम इंसान नहीं हो सकता कही डीप न तो नहीं

पंकज- क्यों मजाक करते हो बुनती का वो कुछ नहीं क्र सकता

आदमी 2 - है सही बोलै

पंकज - पता नहीं साला अब ये नया दुसमन कहा स आ गया . यार मुझे तो कल hi रूस निकलना ह मई जा रहा हु तब तक तुम पता लगाओ कौन ह ये कुत्ता

आदमी2 - थीम ह दोस्त.

इसी क साथ दोनक निकल गए अपने अपने रस्ते

दूर कही एक जंगल म एक आश्रम है जिसमे बहुत स साडू ह और वो एक दूसरे स बाते क्र रहे ह

साधु1 - गुरुदेव आज 17 साल बाद इन दोनों क सरीर म कोई हलचल हुई ह

गुरुदेव- है पुत्र तुम सही हो सायद वो वक्त आने वाला ह जब उसके अपनी सकतिया वापस मिलेगी( मुस्कुराते हुए बोलै)

साधु2- गुरुदेव मैंने इनको हर वो जड़ी बूटी , दवा सब कुछ दिया पर इनपर कोई प्रभाव न पड़ा फिर आज कैसे ?

गुरुदेव -बीटा ये तो ईश्वर की लीला ह मुझे बस ये पता ह जब उस लड़के को अपनी सकतिया और मिलजाए गई वो खुद इनको लेने आएगा और इन्हे ठीक करेगा पर अभी उसमे 2 महीने का विलाभ ह

और इसी क साथ गुरुदेव अपनी योग साधना म लीं हो गए
 
अपडेट 3

नई चचटर

पंकज चौहान - साइंटिस्ट है और इंडिया म रुस्सियन मफ्फिए क काम संभालता ह

बैक तो हीरो :

मैं जल्दी स तैयार हुआ और निचे गया तो देखा की एक आदमी दिग्विजय अंकल को और बॉबी अंकल को मर्रे जा रहा था और sath-sath रो भी रहा था और एक छोटी स क्यूट सी लड़की दिखने म बिलकुल किसी डॉल की तरह लग रही थी वो पूनम मस्सी की गॉड म बैठी हुई थी .

जैसे hi म आगे गया वो आदमी मुझे देखते hi गले लगा लिया और बोलै " बिलकुल डीप जैसा चेहरा ह तुम्हरा और आँखें एक दम स सैफअली की तरह"

उनका बस इतना बोलना था की सभी न अपना सर पीट लिया . माँ बात को सँभालते हुए

माँ- अरे विक्रम अब छोड़ो भी इसे और अपनी बहन स भी मिलने दो.

मैं भी पहले तो सोच म पद गया इन विक्रम महासय की बात सुन पर फिर मैंने अपना दयँ उस क्यूट स बच्ची प दिया जो कब स मासी के पीछे छिपी जा रही थी सायद उससे यहाँ सभी अनजान लग रहे थे इस लिए

मैं धीरे - धीरे उसकी तरफ जानने लगा और वो अपनी मम्मी क और करीब होती जा रही थी की तभी मैंने अपने पॉकेट स कुछ चोचलातेस निकले और उसकी तरफ किये जिन्हे देख वो अपनी मम्मी (पूनम मस्सी) को देखने लगी जैसे पूछ रही हो "क्या मैं चोचलातेस ले सकती हु" और पूनम मासी न भी उसे आँखों स हां कहा

अब जब उसे उसकी मम्मी स हां मिल गई थी तो वो तुरंत hi मेरे हाथो स चॉक्लेट्स को चीन लिया और फिर स अपनी माँ क पास चली गई और हम सब मुस्कुराने लगे

पूनम - बीटा ये तुम्हारे भैया ह (मेरी ओर देख ) सौर्य ये है सैफअली मेरी प्यारी सी पारी .

अपनी माँ की बात सुन क्र सैफअली मेरे पास आयी और मुझे देखने लगी जैसे पहचानने की कोसिस क्र रही हो और मैं तो उसे देख जैसे खो hi गया था .

तभी तिया , तान्या और शिल्पा दीदी आ गए और उसको देखने लगे की माँ न बोलै

mom-beta ये ह तुमलोगो की छोटी बहन सैफअली जो आज तुम दोनों क बर्थडे प आई ह

तिया - अरे ये तो एकदम स डॉल जैसी लगती ह

(और सैफअली क गाल किछ दिए ) ये तो बहुत hi क्यूट ह

तान्या - देखो तो एकदम पारी जैसी लगती ह (उसने भी सैफअली क गाल खिच्च दिया)

सैफअली को ये अच्छा नहीं लगता था की कोई उसके gol-matol गल्लो को खींचे उससे गुस्सा आ रहा था पर वो चुप थी पर कब तक क्यू की कुछ ऐसा hi सिप्ला दीदी न भी किया और उसी क साथ सैफअली रोने लगी हम लोगो को तो कुछ समझ hi नहीं आया की ये रू क्यू रही ह तो मौसा जी बोले

विक्रम - अरे कोई इसके गाल खिच्चे ये इसको पसंद नहीं इस लिए रू रही ह

मैं - (अपनी बहनो क तरफ झूठा गुस्सा दिखा क्र) क्यू परेशान क्र रही हो तुम सब मेरी एंजेल को देखो रुला दिया न अब म तुम्हारी चॉक्लेट्स भी इससे hi दे दूंगा .

मेरी बात सुन क्र तीनो समज गयी और वो भी रोने जैसा मुँह बना नाटक करने लगी और ये सुन सैफअली खुस हो गई क मई उसको चॉक्लेट्स दूंगा और वो रूट हुए हसने मुस्कुराने लगी . बड़ी क्यूट लग रही थी वो उस वक़्त पर जब उसने उन तीनो क मुँह देखा तो वो बोली

सैफअली - भैया आप न उनको भी चोचलातेस देना नहीं तो म अप्प स बात नहीं करुँगी

मैं - ( कितनी अछि बची ह य ) ठीक ह एंगल मैं उनको भी दूंगा पर पार्टी क बाद .

अबतक करीब 6 बज गए थे डोरशंस भी हो गयी थी और मेहमान भी आने लगे थे

मैं अब अपनी एंजेल क साथ बाते क्र रहा था वो भी अपना एक भाई पा कर बहुत कुश लग रही थी.

सैफअली - भैया आपको पता ह मेरी फ्रेंड्स न मुझे चिडया करती थी की मेरा कोई भाई नहीं ह अब म उनको आपके बारे म बताउंगी और अब आप मेरे साथ hi रहोगे . है न

मैं - अरे एंजेल ये कब डीडे हुआ की मई आपके साथ रहूंगा (परेशान करते हुए)

सैफअली - क्या अप्प फिर स मुझे चूड क्र चले जाओगे (रोने जैसे सकल बना क्र)

जब मैंने उससे ऐसे देखा तो खुद पर गुस्सा आया और मैंने उससे गले लगा क्र बोलै - अरे मई तो मजाक क्र रहा था म हमेसा आपके साथ hi रहूँगा

सैफअली (मेरे गाल पर किश करते हुए) - सच्ची भैया

मैं - मुच्ची माय एंजेल

इसी बिच मेरा गिफ्ट भी आ गया था जो थे स्मार्ट वैक्स मेरी परिओ क लिए . इसकी खास बात ये थी क हमेशा मेरे फ़ोन स कनेक्टेड रहती और अगर 500 म क रेंज म कोई भी गड़बड़ हो तो ये तुरंत hi मुझे बता देती (इससे मि6 क लोगो क लिए बनाया गया था ). मैंने दोनोंको उनकी वॉचेस दी और वो दोनों भी खुस हो गई .

ऐसे hi पार्टी ख़तम हो गई और अब रह गए थे बस माँ, डैड , विक्रम, दिग्विजय, मोहित ,बॉबी, सुद्धा , पूनम , शिल्पा , रेशमा , और मैं . डैड न तिया ,तान्या और सैफअली को ऊपर रूम म भेज दिए था

मैं वह पर बैठा सबको बस घूरे जा रहा था मुझे यकीं hi नहीं हो रहा था की आज जो भी हो रहा था मेरे साथ वो सच है या नहीं की तभी डैड बोले

डैड - बीटा जनता हु तुम्हारे मन म बहुत स सवाल होंगे . तुम अब अपने सवाल पूछ सकते हो.

मैंने पहले तो सबकी और देखा और फिर पूछना सुरु किया

मैं - माँ आप मुझे नाना जी क बारे म बताओ और वो वजह भी जिसके कारन आज आप और डैड ऐसी जिंदगी जी रहे हो.

माँ ने मुझे नाना जी और उनके फॅमिली क बारे म वही बताया जोकि शिल्पा दीदी न बताया था और फिर बोली

माँ - बीटा उनलोगो को प्यार की कोई कदर नहीं ह उन लोगो न मेरी छोटी बहन Saifali(ye माँ की बहन ह) को न सिर्फ घर स निकला बल्कि उसको मरने की कोसिस भी की सिर्फ इस लिए क्यू की वो डीप स प्यार करती थी और शादी करना चाहती थी. फिर मैंने और तुम्हारे डैड न उनकी शादी करवाई तो वो हमारे भी पीछे पद गए उनकी वजह स मेरा 3 साल का बीटा महजसे बिछड़ गया आज तक रोटी हु उसकी याद म (और इसी क साथ सभी क ासु बहने लगे) पता ह बीटा जब उन लोगो को डीप और सैफअली का पता चला तो उनलोगो न उनको किडनैप किया और इससे भी मन नहीं भरा तो उन्होंने उनको मार दिया (और माँ और जोर स रोने लगी).

मैं जल्दी स उठ क्र उनके पास गया और उनको चुप करने लगा जब वो चुप हुई तो मुझे गले स लगा लिया और पूनम मासी की और देख बोली

माँ- शयद इसी लिए किसी को कुछ नहीं बताया था मैंने छोटी उस वक़्त तो मुझे किसी पर भी यकीन नहीं था .

मस्सी - अपने जो किया सही किया दीदी पर अब और नहीं अब आप सब हमारे साथ सहर चलोगे और हमारे साथ रहोगे अब वक़्त ह उनलोगो को उनके किये की सजा देने का

मौसा - सही कहा पूनम उन लोगो न मेरे दो dosto(Deep एंड सैफअली) को मारा ह अब तो वक़्त है उनको उनके किए की सजा देने का

माँ - नहीं हम कहि नहीं जायेगे एक बीटा तो खो hi चुकी हु अब और नहीं हम कही नहीं जायेगे( बोलते हुए माँ न मुझे कास क पकड़ लिया था)

डैड - सही कहा संजना हम अब यहाँ स भी दूर चले जायेंगे ताकि उनको हमारा पता न चले

मौसा - भाई साहब आप ये क्या बोल रहे हो पाप उनलोगो न किया और दुःख आप लोग झेलना छह रहे हो कब तक ूही भागते फिरोगे .

मस्सी - जीजू क्या आपको अब हमपर भी भरोसा नहीं रहा जितना प्यार आप दोनों डीप और सैफअली स करते ह उतना hi हम भी करते ह और हम कभी उनके कातिलों को नहीं छोड़ेंगे .

Digvijay(fufa ) जो चुप चाप मुज्झे घूरे जा रहा था वो भी बोल पड़े - भाई साहब अब वक़्त आ चूका ह अब हमें सामने आयना hi होगा कबतक छुपकर बैठेंगे

बॉबी और शुद्ध न भी यही कहा पर माँ डैड तो मैंने को राज़ी hi नहीं थे माने भी क्यू सबसे ज्यादा तो उन्दोनो न hi खोया था वो बस न करते रहे की तभी मैं बोलै

मैं -(गुस्से म) माँ - डैड आपलोग बहुत रू लिए अब रोने की बारी उनकी होगी अब म उन्हें बताऊंगा की किसी को खोने का दर्द क्या होता है और अब हम लोग यहाँ नहीं सहर म hi रहेंगे म भी तो देखु किस्मे इतनी हिम्मत ह की मेरे माँ डैड को हाथ लगाए और अब आप दोनों न नहीं करोगे अप्पको मेरी कसम.

ये सुनते hi माँ न मुझे एक चांटा खिंच क दिया चायताक और रोने लगी

मैं भी वह स उठा गया और सीधा घर स निकल कर पहुंच गया तालाब क पास .

रात का वक़्त था कोई भी यहाँ नहीं था . यहाँ पर तो लोग दिन म भी आने स डरते थे कारन था की इस तालाब क आस पास लोगो को सय्या दिखाई पड़ता था पर ये मेरा फवोराते जगह थी यहाँ मुझे बहुत अपनापन सा लगता था मैं बहुत hi खुश हो जाता था यहाँ आकर.

मैं अभी यहाँ बैठा hi था की मेरे कानो म किसी क खुसफुसाने की आवाजे आने लगी

सय्या1- देखो मालिक उदास है. हमें कुछ करना चाहिए उनके लिए.

साया 2- अभी हम कुछ नहीं क्र सकते उनके लिए नहीं तो मालिक क ऊपर खतरा हो सकता ह

साया 3- देखो वो तो इधर hi देख राजे ह क्या वो हमें सुन सकते है

सय्या1- नहीं य नहीं हो सकता जब तक उनकी आयु (आगे) 18 वर्ष न हो जाये वो हमें सुन सकते

साया3- पर वो तो यही देख रहे है काया ऐसा हो सकता ह की उनको उनकी कुछ सकतिया वक़्त स पहले hi मिल गई हो .

साया2 - अगर ऐसा हुआ ह तो मालिक खतरे म पद जायेंगे हमें उनकी रखा करनी चाहिए

साया1 - ऐसा हो मुमकिनटो नहीं पर अगर हुआ है तो हमें उन शक्तिओ को रोकना होगा बहार आने स अभी भी 60 roshani(days) बाकि ह उनकी सक्तियो क उजागर होने म

वही मैं जहा बैठा था मुझे बस dhemi-dhemi आवाज़े आ रही थी पर समाज जानता कुछ नहीं आ रहा था .

मैं- (आवाज़ की ओर) कोण ह वह ? चले जाओ यहाँ स नहीं तो बहुत मरूंगा

मेरा बस ऐसा बोलना था की तभी वह एकदम स उजाला होजाता है और वो रोशनी क गोलों म बदल कर मेरे अंदर समां जाता ह और म बेहोश हो जाता हुए

जब आखें खुली तो मई किसी जंगल म था और मेरे सामने एक बाबा टाइप आदमी बैठा हुआ था वो बस आखें बंद किये ध्यान म लीं था और म उसको देखे जा रहा था की ये कोण है. उनके चेहरे पर एक अजीब सी चमक थी जो मुझे सन्ति दे रही थी . कुछ देर उनको यही देकने क बाद म जब आसपास देखने लगा तो पाया मैं किसी जंगल म हु और मेरे कपडे भी चेंज हो गए हैं .

मैंने एक आरमोर पहन रखा था और साथ hi मेरे पास 2 तलवारे थी और एक tir-kaman और एक चमकता हुआ खंजर जिसपर ड्रैगन बना हुआ था .

मेरी बॉडी भी बड़ी मजबूत लग रही थी मुझे म एक दम किसी अनिमे मूवी क हीरो जैसा लग रहा था पर मेरी फटती पड़ी थी एक तो पता नहीं कैसे म यहाँ आज्ञा और अब ये सब म बहुत हैरान था

मैं अभी खुद को देख hi रहा था की वो बाबा बोलै .

बाबा- पुत्र कुछ चिंतित नज़र आ रहे हो क्या बात है( मुस्कुराते हुए उन्होंने पूछा)

मैं -आप कोण हो और मई यहाँ कैसे

बाबा - तुमने hi तो मुझे बुलाया ह म तो बस तुम्हारा एक सुबह चिंतक हु

मैं - mm....maine n..nhi बुलाया आपको

आप हो कोण और क्या चाहते हो मुझसे

बाबा - पुत्र म तुमसे बस कुछ बाटे करने आया हु तुम्हारे सपनो क बारे म

ये सुन क्र तो म पागल hi हो गया क्यू की आज तक मैंने किसी को भी अपने सपनो क बारे म नहीं बताया

मैं - आप हो कोण और मेरे सपनो क बारे म कैसे जानते हो

बाबा - क्यू की वो सपने मैंने hi दिए ह तुम्हे तो मुझे तो पता hi होगा

मैं - क्या मेरे माथे पर कुछ लिखा ह जो आप ये सब बोले जा रहे हो सपने भी कोई दे सकता ह किसी को

बाबा - ये सपने नहीं ह ये तुम्हारे आने वाली जिंदगी की कुछ दुँधली सी तस्वीरें है

मैं - क्या अप्प भी कुछ भी फेकते हो देखो जल्दी मुझे यहाँ स निकालो नहीं तो मैं जो आपके उम्र की लिहाज़ क्र रहा हु वो मैं भूल जाऊंगा . वैसे इक बात बताओ कितने साल क हो तुम.

बाबा - बीटा मेरी उम्र तो करीब 1327 साल ह इससे पहले की तुम कुछ और बोलो मेरी बात सुनो "तुम कोई आम इंसान नहीं हो तुममे बहुत साडी सकतिया ह जो जाग रही ह वक़्त स पहले hi जिनपे म कवच लगाने वाला हु क्यू की तुम्हारा शरीर अभी उस लायक नहीं अब तुम्हे म रोज यही मिलूंगा और तुमको योग साधना शिकाऊगा जिससे तुम्हे अपने ये सभी विद्याये ( नॉलेज) वापस याद आ जाएगी और तम्हे पूरी निष्ठा क साथ य सब करना होगा क्यू की वक़्त बहुत काम ह हमारे पास.

मैं ये सुन जोर जोर स हसने लगा फिर बोलै

मैं- सॉरी बाबाजी अपने गलत बन्दे को चुना ह बेवक़ूफ़ बनाने क लिए म किंग हु किंग आज तक क रॉ मोसाद और सील क सरे रिकार्ड्स तोड़े है मैंने वो भी इतनी सी उम्र म अगर फिर स मुझे बेवक़ूफ़ बनाने की कोसिस की तो उल्टा लटका दूंगा

मेरी बात सुन बाबा मुस्कुराने लगे और मुझे गुस्सा आने लगा आई भी क्यू न एक लड़का जो 17 साल की उम्र म न सिर्फ रॉ स ट्रेनिंग ली मोसाद न भी जिसको कूद चुन क ट्रैन किया और फिर नेवी सील न उनकी मैंने तो म अभी वर्ल्ड का बेस्ट एजेंट हु उससे एक पागल सा बुद्धा कुछ भी बोले जा रहा ह उप्पेर स है भी रहा ह

मैंने भी गुस्से म उनको चैलेंज क्र दिया और वो तो जैसे इसी का इंतज़ार hi के रहे थे

फिर क्या मैंने अप्पन पोज़ लिया कुंगफू का और उनका वेट करने लगा की कब वो आये और मुझ पे हमला करे पर ये क्या म जमीं पर गिरा था वो हिले भी नहीं और मुझे तो मेरे पुरे बॉडी म बहुत दर्द हो रहा था.

जब मैंने उनकी तरफ देखा तो वो मुस्कुरा रहे थे मई गुस्से म फिर खड़ा होने लगा और खड़ा हुआ hi था की फिर स म जमीं पर पड़ा हुआ था अब हिलने की ताकत न बची थी और वो तो बस मुस्कुराये जा रहे थे

मैंने कैसे भी क्र उनके पैरो क पास गया और बोलै

मैं- मुझे सीखना है आपसे मास्टर

बाबा - (अपने हाथ आगे किया और उनके हाथ म एक कटोरा आ गया जिसमे कुछ था और उन्होंने मेरी ऑर्डर उससे बड़ा) इससे पिलो और अब तुम कल वापस यहाँ आ करयोग साधना सीखोगे ताकि अपनी शक्तिओ को पुनः प्राप्त क्र सको .अब तुम्हे अपने घर जाना चाहिए .

इसी क साथ मैंने वो कटोरे क अंदर क काढ़े को पिया और बाबा न मेरे सर पर अपना हाथ फेरा और म वापस उस तालाब क पास पहुंच गया .

जब म उठा तो मेरा फ़ोन बज रहा था डैड का कॉल था मैंने पिक किया.

मैं - है डैड

माँ - मैं हु तू मेरा फ़ोन क्यू नहीं उठा रहा था खा है तू सुबह क 4 बजे ह हम सब तुझे कब स ढूंढ रहे ह और तू ह क (और माँ रोने लगी)

मैं - माँ मैं आकर बताता हु अप्प चुप हो जाओ प्लीज माँ

माँ - जल्दी स आ वर्ण अच्छा नहीं होगा

कॉल कट

मैं तुरंत उठा और दौड़ते हुआ घर पहुंच गया . पर एक बात अजीब थी मैंने 20 मिनट का रास्ता 5 मं म कम्पलीट क्र लिया था

घर आ या तो सब लोग हॉल म hi बैठे थे मेरे आते hi माँ न मुझे गले स लगा लिया.

और सब मुझसे पूछने लगा चला गया था ... bla...bla...

इन सवालो क दौरान 2 लोग थे जो मुझे बस घूरे जा रहे थे वो थे मेरे फूफा और दीदी पता नहीं क्यू मैंने भी ज्यादा सोचा नहीं और इग्नोर क्र दिया. और सबको बोल दिया की म बस तोड़ी देर अकेला रहना चाहता था तो अपने खेतो म चला गया था और वही मुझे नींद आ गई तो सो गया.

सभी मेरे जवाब स संतुष्ट नज़र आये सिवाए उन्ही 2 लोगो क पर वो बोले कुछ नहीं.

अब मैं अपने रूम मई आ गया और फ्रेश होने लगा तभी मुझे उन बाबा क बारे म याद आया मुझे लगा कोई सपना होगा और वैसे भी बड़े अजीब सपने आते थे मुझे. पर तभी मुझे कोई आवाज सुनाई दी .

आवाज - मालिक वो सपना नहीं हकीकत ह और आपको अब तैयार होना होगा.

मैं आवाज सुन क्र रूम म इधर उधर देखने लगा की फिर आवाज आई

आवाज -मालिक मैं आपके अंदर हु

मैं - kk..koon हो तुम और मज़ाक क्यों क्र रहे हो कोई किसी क अंदर कैसे हो सकता ह

आवाज - मालिक मैं आपकी बुक हु जिसे कल उन बाबा न आज़ाद क्र दिया ह इसीलिए म आपसे बात क्र प् रही हु

और इसी क साथ एक किताब मेरे दिल क पास स निकली और हवा म उड़ने लगी ये एक लाल रंग की किताब थी और जब मैंने उससे छुआ तो मुझे बहुत तेज़ शॉक सा लगा और म सीधा देवर स जा लगा. और वो किताब फिर स बोलना सुरु हो गई

किताब - मालिक आप अभी कमजोर हो आप को पहले अपने चक्रो को जगाना होगा तब hi आप मुझे छू सकते हो तब तक म आपके बाकि क शक्तिओ क तक पहुंचने का रास्ता ढूंढ़ती हु

इतना बोल क्र वो बुक खुद गायब हो गई और मई बस देखता रहा .कुछ देर बाद माँ न मुझे खाने पर बुलायाऔर म निचे चला गया

आज संडे था तो मौसा मासी भी हमारे यहाँ hi रह गए. सैफअली , मेरी एंजेल ने तो ब्रेकफास्ट क टाइम hi बोल दिया था सबको की वो मुझे और मेरी बहनो को अपने साथ हे ले क जाएगी नहीं तो यही रहेगी. इसी लिए हम सबको डैड न जल्दी स तैयार होने को बोल दिया और हम भी अपनी पैकिंग करने लगे .

माँ और डैड प तो सैफअली न जैसे जादू hi क्र दिया हो वो जो भी बोलती माँ डैड रेडी हो जाते सायद इसलिए क्यू की वो हभाहु सैफअली मौसी की तरह hi दिखती थी (मस्सी न फोटो दिखाई थी मुझे) और सायद बाटे भी उनकी तरह hi करती थी

ऐसे hi करीब 4 बजे क आस पास मेरी फ़ैमलीऔर मोहित अंकल मौसा , मौसी क साथ उनके कार स चल पड़े उनके घर. फूफा जी और बॉबी अंकल ने कहा की वो 3-4 दिन म गाओं का काम निपटा क्र सहर आ जायेगे .

सहर पहुंचते पहुंचते हमें करीब रात क 10 बज गए.

मैं कार म बैठा अपने एजेंट्स को उनके काम समझा रहा था जो की एक सीक्रेट बेस बनाने का था सेहर म किसी सुनसान जगह ताकि म वह स ऑपरेट क्र सकू.

साथ hi साथ उनको अपने नाना जी क केस जो की कोई टेररिस्ट ग्रुप को फंडिंग करने की थी क बारे म पता करने को कहा.

जब तक मैं ये क्र रहा था तबतक मौसा जी का घर भी आ गया. इसको घर कहना मेरी गलती होगी क्यू की ये बंगलो ह वो भी बहुत बड़ा और सूंदर.

हम सीधा अंदर चले गए और अंदर स तो घर और अच्छा था .

रात हो गई थी तो हमें अपने अपने रूम्स जो पहले hi तैयार थे उनमे चले गए और म सो गया . सोते hi म जंगल म पहुंच गया और वो बाबा मेरे सामने आ गए म बस उन्हें देखे जा रहा था.

बाबा - बीटा तुमसे उस किताब ने क्या कहा

मैं ये सुन क चौक गया क इनको कैसे पता चला फिर याद आते hi नार्मल हो गया की इन्होने hi तो बुक को आज़ाद किया था

मैं - जी उसने तो चक्र जागृत करने क लिए बोलै था

बाबा - तो अब हम वही करेंगे . क्या तुम कभी ध्यान म बैठे हो (मेडिटेट).

मैं - जी बाबा जब भी मन असंत होता था तो बैठ जाता था

बाबा - चलो ठीक ह अब म तुम्हे अपने चक्रो को जागृत करने क बार्रे म बताऊंगा और ऐसा बोलते बोलते hi उन्होंने अपना हाथ मेरे सर पर रखा और पता नहीं कैसे पर मेरे दिमाग म 7 चक्रो क बारे म और कैसे उनको जागृत करना ह य एक दम किसी मूवी की तरह चलने लगी और मुझे पता चल गया क मुझे क्या करना ह .

बाबा- क्या तुम समझ गए

मैं - है बाबा म समझ गया हु

बाबा - बीटा बस एक बात का ध्यान रखना की ये काम तुम्हे 7 दिन म hi पूरा करना ह न तो काम और न hi ज्यादा अगर तुम पहले hi ये करने लेट हो तो तुम्हारे शरीर उस ऊर्जा को झेल नहीं पायेगा ये शरीर बहुत कमजोर ह तुम्हे इससे एक दिन का वक़्त देना होगा ताकि ये उस सकती को धारण क्र सके एक बार तुम इसमें कामयाब हो जाओ फिर म तुम्हे आगे क निर्देश दूंगा अब तुम्हे रोज यहाँ आना है और रोज अपने एक चक्र को जागृत करना है

इतना बोल बाबा गायब हो गए और मैं लग गया अपने चर्का जगाने .
 
अपडेट - 4

अब तक

मैं अपना पहला चक्र जागृत करने को बैठ गया ध्यान म

अब आग्गे

अब तक मैं करीब 3 घंटे स लगा था अपना पहला चक्र जगाने म की तभी अचानक स मेरे बॉडी म बहुत दर्द होने लगा और म वही जमीं पर गिर गया इतना दर्द तो मैंने ट्रेनिंग क दौरान भी महसूस नहीं किया था दर्द इतना ज्यादा हो गया की मई वही चिल्लाने लगा ऐसा लग रहा था कोई मेरे अंदर स बहार आने की कोसिस क्र रहा हो ये दर्द बढ़ता hi जा रहा था और अब म हिल भी नहीं पा रहा था बस चिल्लाये जा रहा था पर उस जंगल म कोई नहीं था मेरी आवाज सुनने वाला कुछ देर यही चिल्लाने क बाद मेरा सरीर स कुछ रेज़ निकली और चारो तरफ फैलने लगी फिर देखते hi देखते मेरे अंदर समां गई उस वक़्त मेरी हालत बहुत खरब हो गई थी ऐसा लग रहा था किसी न मेरे सरीर पर रोड रोलर चला दिया हो.

धीरे -धीरे दर्द काम होता गया और म भी ठीक महसूस करने लगा पर अभी भी कमजोरी महसूस हो रही थी मुझे.

करीब आधे घंटे बाद मैं उठा और बैठ गया और बाबा को याद किया और फिर म अपने रूम म पहुंच गया मैसा जी क घर प अभी और जब घडी देखि तो अभी सुबह क पांच बज रहे थे अब म यहाँ प अपना मॉर्निंग एक्सरसाइज तो क्र नहीं सकता था क्यू की मुह्जे इस घर क बारे म ज्यादा कुछ पता नहीं था कल रात को hi तो आये थे हम यहाँ ऊपर स मुह्जे कुछ कमजोरी भी लग रही थी तो मैंने अपना फ़ोन निकला और कॉल लगाया एजेंट02 को

उधर स - गुड मॉर्निंग सर हमने बेस क लिया एक जगह देख ली है और उसको सेकुरे भी करवा लिया ह बस अब आप मुझे अपनी टीम क लिया रिक्वायरमेंट्स बताये और आपकी टीम आपको ठीक 2 दिन म उस जगह पर मिल जाएगी

मैं - एजेंट02 क्या तुम्हे पता अभी टाइम क्या हुआ ह

एजेंट02 - सर अभी 05:03:44 हो रहा ह अब 46 हो गया है

मैं - कब तक नाराज रहोगी यार अब माफ़ भी क्र दो आगे स तुम्हारे साथ hi जाऊंगा मिशन प

एजेंट02 - सर म आपसे नाराज क्यों होगी आप मेरे बॉस हो पागल एम्प्लॉय hi होगा जो अपने बॉस स नाराज़ हो

मैं - समीरा डार्लिंग अब माफ़ भी क्र दो न ासी भी क्या नाराज़गी की आप मुझसे मिलो भी न वे अरे बेस्ट फ्रेंड्स ना

Agent02(Sameera) - है नहीं हम थे ok एक तो साले दोस्ती की तुझसे उप्पेर स आर्डर भी देता ह क्या आर्डर दिया था याद है न

" एजेंट02 अब स तुम एजेंट06 क अंडर काम करोगी "

कुछ तो सोचा होता मेरा कैसे एक बड़ी बहन अपने छोटे भाई क अंडर काम करेगी ऊपर स वो गधा मुझसे ऐसे ऐसे काम करवा रहा था जैसे बदला ले रहा हो

मैं- यार ये सब उस एजेंट05 का किया धरा ह उसने और एजेंट06 ने मिलकर पहले मुझे हमारी दोस्ती की कसम दी और फिर वो सब कराया

समीरा - क्या एजेंट05 ने उससे तो मैं अभी देखती हु. उसको इंटेरोगेशन रूम म ले जेक मैं..

मैं - अरे मेरी माँ रुक तो सही म तुझे किसी की इन्फो भेज रहा हु उनको अपने टीम म शामिल क्र ले और वो जिसको एजेंट 05 ने उठाया था उसको इंटेरोगेशन रूम म रख म 10 बजे तक हेडक्वाटर्स आ रहा हु.

समीरा : ठीक है अगर तुम कहो तो इसबार म इंटेरोगेट कृ प्लीज प्लीज प्लीज

मैं - ठीक है पर आराम स ok जब म औ तब

कॉल कट

समीरा को मानाने म और अपनी टीम की रिक्वायरमेंट्स बताने म मुझे करीब 20 मिनट लग गए फिर म भी फ्रेश होने बाथरूम म चला गया और करि 6 बजे म निचे आया तो देखा मौसा जी ट्रैकसूट पहने बहार जा रहे है.

मैं - गुड मॉर्निंग मौसा जी

मौसा - गुड मॉर्निंग बीटा तुम इतनी जल्दी उठ गए

मैं - आदत ह मौसा जी सुबह उठ एक्सरसाइज करने की बस ऐसी लिए

मौसा - ये तो बड़ी ाची बात ह बीटा चलो तुम भी ट्रैकसूट म आ जाओ फिर हम चलते ह वाक प

मैं ok बोल अपने रूम म गया और 5 मिनट म चेंज क्र चल दिया मौसा जी क साथ पार्क म.

पार्क घर स कुछ 10 मिनट की दुरी पर ह जब हम अंडर गए तो वह बहुत स लोग अपने - अपने कामो म लगे हुए थे कोई अपनी लाफिंग, तो कोई एक्सरसाइज क्र रहा था तो कोई अपनी वाक क्र रहा था मैं अंदर आया तो मौसा जी बोले

मौसा - सौर्य बीटा आप अपना रनिंग करो मैं तो पहले योग करता हु .

मैंने उनको ok बोलै फिर क्या था हैडफ़ोन लगा म निकल पड़ा अपनी धुन म करीब 15 चरक पार्क म लगा क जब म रुका तो देखा सभी लोग मुँह फाड़े मुझे hi देख रहे ह और मौसा जी तो जैसे पत्थर क हो गए हो क्यू की मैंने 45 मिनट म पार्क करीब बहुत बड़ा था जिसका अंदाज़ा आप इस बात स लगा सकते हो की एक नार्मल आदमी को पार्क का एक चाकर लगाने म 15 मिनट लगते ह .

इसी लिए सायद सभी मुझे घूरे जा रहे थे ऊपर स मैं थका हुआ भी नज़र नहीं आ रहा था एक बार तो मैं भी शॉक हो गया सबको खुद की तरफ घूरते हुए प् क्र इतने मई hi मौसा जी मेरे पास आये और मुझे घर चलने को बोलै मैं भी निकल चला उनके साथ.

बहार आते hi

मौसा जी - बीटा क्या तुम कोई अठेलते हो

मैं - क्यू मौसा जी

मौसा- तो तुमने वो कैसे किया इतना स्टैमिना आया कहा स तुम में

मैं - क्या मौसा जी आप भी ये तो बस प्रैक्टिस का एस्सार ह जो मई लगभग 4 साल स करता आ रहा हु ऊपर स फुटबॉल म सेंटर फॉरवर्ड भी हु तो ये मेरे लिए आम बात है

मौसा बीटा ये आम बात नहीं है तुमने 15 मिनट का ट्रैक 3 मिनट म कवर क्र लिया था अभी वो भी 15 बार बिना थके हुए. मन्ना पड़ेगा कमल की स्टैमिना ह तेरी उप्पेर स फुटबॉलर भी बिलकुल अपने बाप पर गया ह वो भी कोलाज की फुटबॉल टीम का कप्तान था ऊपर स स्टेट लेवल तक खेला भी था पर फिर तेरे दादा जी ने hi उससे घर क बुसनेस्स म लगा दिया नहीं तो पका नेशनल खेलता वो

फ्लो फ्लो म मौसा जी कुछ ज्यादा hi बोल गए और फिर जब तक उनको इसका एहसास हुआ तब तक मेरा सवाल उनतक पहुंच चूका था

मैं - पर माँ तो बताती थी क डैड (अभिषेक) को कोई भी स्पोर्ट्स म मज़ा नहीं आता था वो तो बस पड़े hi करते थे और आप बोल रहे हो की वो फुटबॉल टीम क कप्तान थे

मौसा जी को अब समझ नहीं आ रहा था की क्या बोले और क्या न की तभी उनका फ़ोन बाज उठा और वो बाद म बताने का बोल फ़ोन पर बात करने लगे

मौसा जी -(मान me-mujhe अपने ऊपर कण्ट्रोल करना होगा नहीं तो इससे सब पता चल जायेगा जो इसके लिए खतरनाक है)

जब तक हम घर न पहुंचे मौसा जी फ़ोन स hi चिपके रहे.

हम करीब 8 बजे घर पहुंचे तो देखा की मेरी एंजेल स्कूल न जाने की ज़िद क्र रही थी .

मुझे देखते hi वो मेरी तरफ आयी और बोली

सैफअली- भैया आप कहा थे मैंने बोलै था न आपको मेरे साथ स्कूल चलने क लिए

main-are मैं तो भूल hi गया चलो आप नास्ता करो फिर हम चलते है

तिया & तान्या -हम भी चलनेगे

मस्सी - है वैसे भी 2 दिन बाद स तुम्हे भी उसी स्कूल म कंटिन्यू करना ह साडी बाते हो गई ह बस शिल्पा तुम दोनों का T.C. ले आये फिर तुम वही पड़ोगी

ये सुन कर मेरी तीनो बहने बहुत खुश हो गई और फिर जल्दी स नास्ता करने लगी मैं भी जल्दी hi चेंज क्र निचे आया औरनस्ता किया फिर हम चारो निकल पड़े मौसा जी क कार स चुकी मैं अभी अंडर 18 था इसी लिए ड्राइवर भी साथ आया था और हम लोगो को स्कूल ले गया.

ये स्कूल इस सहर का सबसे अच्छा स्कूल है स्कूल देख तिया और तान्या बहुत खुश हुए हम स्कूल क अंदर गए तो देखा की 3 लड़किया मेरी एंजेल की फ्रेंड्स होगी वो हमारी तरफ आये और पूछा

लड़की 1- ये लोग कोण ह सैफअली

सैफअली - ये मेरे भाई बहन ह तुमलोग बोलते थे न की मेरा कोई भाई बहन नहीं ह देखो ये ह मेरे सौर्य भैया टीएडीडी आउट तान्या दीदी

सभी न हमे hello बोलै हमने भी उन्हें hello बोलै फिर हमने स्कूल देखा और चल दिया बहार अभी करीब 9:17 हो रहे थे गाड़ी क पास पहुंच क्र

मैं- तुम दोनों ड्राइवर अंकल क साथ घर चले जाओ म थोड़ी देर म आता हु

तिया - आप यहाँ क्या करोगे इस नए सहर म तो कोई आपको जनता भी नहीं ह फिर आप कहा जाओगे

मैं- अरे मेरी बहन यहाँ पास hi म मेरे एक स्कूल फ्रेंड का घर ह जब मैंने उससे यहाँ आने क बारे म बताया तो मुझे अपने घर आने को बोलै तो म बस उसी क घर जा रहा हु तुम माँ को बता देना म शाम होने स पहले पहुंच जाउगा . (झूट)

पहले तो ये दोनों नहीं मानी फिर कुछ घुश लेकर( चोचलातेस ) मान गई और ड्राइवर क साथ निकल गई मौसी क घर को

मैं स्कूल स बहार खड़ा hi था की एक बाइक आयी और ठीक मेरे सामने रुकी

मैं चुप चाप बाइक पर बैठा और हम निकल गए रॉ हेडकेटर्स की तरफ.

वह पहुंचने स पहलेहम एक होटल म गए वह रूम बुक किया और मैंने अपना गेटउप चेंज किया मैंने एक मास्क पहना उसके उप्पेर एक डिटेक्टिव वाली रेड टोपी और फिर डिटेक्टिव वाली मेरी ब्लैक कलर की जैकेट

फिर हम दोनों hi निकले और पहुंच गए हेडक्वाटर्स .

आज बहुत दिनों बाद आया था यहाँ प

मुझे देखते hi सभी लोग मुझे गुड मॉर्निंग विश करने लगे

मैं सीधा पंहुचा इंटेरोगात्तिओं रूम म तो पाया क एक हत्ता कट्टा पहलवान टाइप आदमी चेयर प बंधा भैठा ह और मिझे देख तो जैसे और कुश हो गया इस वक़्त रूम म हम 3 लोग थे मैं , समीरा और वो आदमी

अभी हम कुछ पूछते की तभी मेरा फ़ोन बजा
 
अपडेट - 5

नई चरक्टेर्स -:

Agent02-Sameera रॉ म मेरी पहली dost.Ye एक टेक एक्सपर्ट है और रिवर्स इंजीनियर bhi.Iska दिमाग हमेसा गरम रहता है

Agent06-Sameer,Sameera का छोटा भाई ये हमारे टीम का वेअपनारी एक्सपर्ट है ये बंदी हर तरह क वेपन्स चला सकता है

Agent05-Ritvik,Sameera क premi.Dono लम्बे समय स रिलेशन म है और शादी करना चाहते है. ये एक मस्त शूटर है और साथ hi हमारे ग्रुप का लोकल सपोर्ट प्रोवाइडर भी है इसके बहुत कनेक्शंस है साले को सारे इन्फो मिल जाते है


अबतक

मैं हेडक्वाटर म पंहुचा और समीरा क पास चला गया जो इंटेरोगेशन रूम म बैठी थी की तभी मेरा फ़ोन बजा.

आगे

फ़ोन माँ का था मैंने पिक किया

माँ - तू कहा है और घर क्यू नहीं आया

Main-mom मैं अभी अपने स्कूल क दोस्त क घर प हु शाम तक वापस आ जाऊंगा

Mom-thik ह पर आपने ध्यान रखना.

Main-ok माँ

कॉल कट

Sameera-Arre यार तुम न थोड़ा बहार जाओ तब तक मैं इसकी पूछताछ करती हु जब ये कुछ बताने लायक हो जायेगा तो तुम्हे बुल्ला लुंगी.

मैं - ठीक है पर प्यार स समझ रही हो न

समीरा- है बाबा प्यार स hi करुँगी अब तुम जाओ और किसी को बोल मेरा रेड टूलबॉक्स यहाँ पहुँचवा देना

मैं - ok

इतना बोल मैं इंटेरोगेशन रूम स निकल आया और एक एजेंट को समीरा का सामान भेजने बोल दिया

चलिए देखते है क्या हो रहा है .

समीरा क हाथ म एक फाइल थी जिससे वो देख रही थी वही उसके बगल म उसका टूल बॉक्स पड़ा हुआ था .

समीरा (आदमी s)-Ha तो बुंट्टी मैं अब तेरे बारे म जो भी मुझे पता है वो बताउंगी अगर कुछ गलत हो तो तू मेरे बात ख़तम होने प उससे सुधर देना.

फिर समीरा न उसके सारे कुकर्म उससे बताये जैसे रापस , मर्डर और किडनैपिंग ेट्स.

बुंट्टी ये सब सुन और खुस हो गया और तो और साला बोलै

बुंट्टी - जितने भी रपे और मर्डर केसेस है न उन सब की गिनती बड़ा दो क्यू की यहाँ स निकलते hi तेरा और तेरी फॅमिली क sath....aaaaaahhaaaah

अभी बुंट्टी अपना लाइन कम्पलीट करता उससे पहले hi समीरा न उसको एक जोर का लफा मारा

समीरा - रपे का बड़ा सुख है न तुझे चल म अब मैं भी देखती हु कितना दम ह तेरे म

इतना बोल समीरा न प्रोजेक्टर ों क्र उसमे पोर्न चला दी और अपने हाथ म एक कार्बन का रोड ले लिया. फिर क्या था बुंट्टी का हतियार खड़ा हुआ और मैडम जी न उसके मार मार क बिठा दिए. सायद इसी को कलपद कहते hai.Buntty दर्द स चिल्लाता रहा पर समीरा को तो ऐसा करने म मज़ा आ रहा था उस्सने लगभग बुंट्टी का पूरा शरीर मार मार क सज्जा दिया.

फिर मुझे कॉल क्र क अंदर आने को कहा. अंदर आते hi

मैं: क्या ये रेडी ह जवाब देने को.

समीरा : तू पूछ क तो देख रेडी ह या नहीं.

मैं- (बुंट्टी को अपना फोटो दिखा क) चल बता कोण है ये और क्यू मारना चाहता है इससे

बुनंत्य: मेरे को बस इतना पता है क इसका नाम डीप है और ये मेरे बॉस का दुसमन ह इसीलिए बॉस न इससे मरने को बोलै ह

जब मैंने और समीरा न ये जवाब सुन्ना तो एक दूसरे को देखने लगे.

मैं: चल अपने बॉस क बारे म बता.

बुंट्टी : तुमलोग कभी बोस तक नहीं पहुंच पयोगे उनको किसी न नहीं देखा है वो तो बस फ़ोन स ऑपरेट करते hai.Koi उनको नहीं पहचानता

Main(Sameera स) - इसके फ़ोन को चेक करो और देखो कोई ऐसा no जिससे इससे अक्षर कॉल आते और इससे ख़तम करो ये साला कुत्ता और कुछ नहीं जनता

इतना बोल मैं रूम स वापस आने लगा और समीरा अपने हाथ म अपनी निंजा ब्लेड ले चुकी थी. मेरे बहार आने क कुछ देर बाद समीरा भी बुनंत्य का फ़ोन लिए बहार आयी और एक एजेंट को रूम साफ़ करने बोल अपने कंप्यूटर रूम की और चल पड़ी और मैं भी उसके पीछे हो लिया.

समीरा न फ़ोन को अपने सिस्टम स कनेक्ट किया कुछ देर की म्हणत क बाद उसके हाथ 2 प्राइवेट no लगे जिनसे अक्सर फ़ोन आते थे और कॉल टाइम 3 मं स ज्यादा का नहीं होता tha.Aisa तभी होता है जब कोई किसी स बस काम की बात करे उसने मुझे वो दोनों no बताये पर यहाँ पर दिक्कत ये हुई की कोई भी aera-gaira इस no को लोकेट नहीं क्र सकता था.

पर समीरा क लिए ये कोई बड़ी बात नहीं थी उसने कुछ hi पल म दोनों no क फ़ोन क िमे no का पता लगा लिया और मुझसे पूछा.

समीरा - ये 2 no अलग अलग no है सायद इसके 2 बॉस हो. मैं अभी इन्हे लोकेट करती हु

मैं - अभी नहीं अभी हमें कही और जाना है और तुम्हे वह बड़ा मज़्ज़ा आएगा .

समीरा - सच म. आज तो मेरी चंडी hi चंडी ह चलो जल्दी स बताओ कहा जाना है और क्या काम है.

मैं - कुछ देर पहले खबर मिली है क कुछ लोग गोवा एयरपोर्ट प उतरे है जो कोई बड़ा डील करने जा रहे है अजर इसमें 2no ग्रुप क लीडर भी होंगे

समीरा - तो उनको उड़ाना है न ठीक है मैं रेडी हु चलो.

मैं - क्या चलो, मेरी जनशि की रानी हम उनको उड़ायेंगे पर पूछ टाच क बाद. पहले जाओ समीर और ऋत्विक को बुला क अउ तब तक हमें डील की लोकेशन क पता चल जायेगा. करीब 30 मिनट बाद सभी आ गई और हमें डील की लोकेशन भी पता चल गई जो की एक बंद पड़ी पुराणी शुगर फैक्ट्री थी शिवपुर मई. हमने अपना प्लान बना लिया.

टाइम - 4:37

कुछ कार्स शिवपुर क उसी शुगर फैक्ट्री म गेट प rukki.Usme स करीब 12 लोग निकले सरे क सरे एक दम hadde-gadde शिवाये एक क और इसी एक क हाथ म 2 सुईटकासेस थी .

ये आदमी बाकिओ क साथ फैक्ट्री क अंदर आया . एक तरफ एक बड़ा स टेबल रखा था जिसके पास 3 लोग खड़े थे और उस टेबल क एक एन्ड प एक चेयर प एक बाँदा बैठा हुआ था .

अभी इसका चेहरा टेबल क पीछे की और था अभी बस उसकी एक लाल कलर की टोपी hi दिख रही थी बस. तभी वो सूटकेस वाला बाँदा वह आता है और ठीक उसके सामने लगे चिर प बैठ जाता है और बोलता है.

आदमी- गुड्डू, माल रेडी है तो दिखा मेरे को यहाँ स निकलना भी है.

उस आदमी का इतना बोलना था क जो 3 लोग खड़े थे उन्होंने टेबल प 2 बड़े - बड़े बैग्स रख दिए. उनके ज़िप को खोल क दिखाया बैग्स म ड्रग्स भरे थे.

आदमी - ये तो ठीक है गुड्डू पर वेपन्स कहा है वो भी तो दिखाओ.

फिर स तीनो म स एक वह स चलता हुआ एक रूम क पास गया और गेट खोला अंदर अंदर था तो उसने वह क लाइट क स्विच को ो किया पर ये क्या लाइट ों होते hi सूटकेस वाले आदमी क साथ आये सरे लोगो क भेजे स गोलिया पार हो गई और वो नर्क श्रीधर गए.

जैसे hi सूटकेस वाले आदमी न ये देखा उसने तुरंत अपनी पिस्तौल निकली पर तब तक देर हो चुकी थी किसी न उसके फेस प कोई स्प्रे मार दिया था जिससे वो बेहोश हो गया.

चलिए इनको छोड़ चलते है जंगल म बने आश्रम म

यहाँ प आज सभी लोग बड़े खुस नजर आ रहे .2 लोग आपस म बात क्र रहे ह

Sadhu1-Mitr आज तो चमत्कार hi हो गया वो जो 2 लोग पिछले 17 सालो स बेहोश पड़े ह आज अचानक उनके सरीर म प्रतिकिया हुई ह उनके आखों स आशु गिर रहे थे.

Sadhu2-mitr ये तो चिंता का विषय ह क उनके आखों स ासु गिर रहे थे सायद उन्हें दर्द हो रहा हो

साधु1 - अरे मित्र तुम्हे गुरुदेव की बात याद नहीं क्या की ुकने सरीर म तब hi कोई प्रतिक्रिया होगी जब हमारे मशीहा को उसकी शक्तियों का आभाष होगा.

Sadhu2-yaad आया मित्र मतलब अब कुछ hi वक़्त शेष रह गया ह हमारे दुखो का


साधु1- हां मित्र हां.

और दोनों ऐसे hi चल देते है वह स .

हम भी चलते है सायों की दुनिया म.

यहाँ प एक बहुत hi बड़े और सुन्दर महल है. महल क दरबार म एक बड़ा श सिंघासन है उसके आगे एक छोटा सा सिंघषण है जिसपे एक बूढ़ा साया बैठा हुआ कुछ सोच रहा है.

तभी वह प एक और साया प्रकट होता ह और बोलता ह

Saaya-Maharaj हमारे मालिक की शक्तिया जाग रही ह.

Maharaj(phle तो खुश हो फिर परेशां हो kr)-pr अभी तो वक़्त हुआ नहीं है अगर ये अभी होगया तो उनके प्राण संकट म पद सकते है. एक काम करो उन tino(inke बारे म आगे पता चलेगा) को उनकी शुरखा और कड़ी करने को बोलो सेना नायक.

Saaya(Sena Nayak)-maine उन्हें पूर्व hi इसके आदेश डी दिए ह और आप भजन्ते है वो तीनो मालिक को कुछ नहीं होने देंगे.

फिर महाराज सेना नायक को किसी स मिल क्र बात करने को कहते ह और उससे वह स भेज देते है
 
अपडेट- 6

नई चरक्टेर्स

Gurudev(phle क episode वाले) -ऋषि गौतम ये एक वैद्य है जो अपने आश्रम जो की जंगल म है जिसका नाम kalp-aashrm ह वह रह क्र लोगो की मदद करते है

अबतक

शिवपुर म शुगर फैक्ट्री म पहुंचे सूटकेस वाले आदमी क लोगो की मौत हो चुकी थी और वो बेहोश था

आगे

चलिए अब देखते है आखिर शिवपुर क शुगर फैक्ट्री म हुआ क्या था.

टाइम-1:37

मैं मेरी टीम क साथ जो की कुल 16 लोगो की थी निकल पड़े शिवपुर की तरफ आपने प्लान को आजम dene.Hum लोग फैक्ट्री स कुछ दूर पहले hi उतर गए और समीरा न अपने इन्सेक्ट कैमरा स वह क बारे पता लगाया.

अंदर कुल 25 लोग थे 2 लोग गेट प खड़े थे 5 लोग एक रूम म चेयर स बंधे हुए थे एक बंधा टेबल क पास क कुर्सी प बैठा किसी स बात क्र रहा था और बाकी क सारे वह प बैग म ड्रग्स और वेपन पैक क्र रहे थे.

फ़ोन प बात क्र रहे आदमी न कॉल कट किया और उन 5 लोगो की तरफ बढ़ गया और उनमे स एक क कनपटी प बन्दुक लगा क बोलै.

आदमी - बोलै था न तेरे को की अपन क रस्ते म नहीं उसने का पर तू साला इमान्दाररी की दुकान नहीं मणि मेरी बात अब देख तेरे सामने कैसे पहले तेरे घर क लड़कियों को मसलता हु फिर आपने लोगो स मसलवाता और फिर इनको मारता hu.Tu साला कुछ भी नहीं क्र पायेगा इंस्पेक्टर.

{5 लोगो म एक इंस्पेक्टर ,एक 40 साल क करीब का आदमी , एक औरत जो सायद उसकी बीवी हो और दो जवान खुबशुरत लड़कियां थी }

इंस्पेक्टर- देख गुड्डू ये मामला मेरे और तेरे बिच का है इन्हे छोड़ दे और मुझसे लड़ अगर मर्द का बच्चा है तो.

Guddu-Mard का बच्चा तो अपुन ह और ये बात अभी इनका रपे तेरे सामने क्र प्रूफ करता है अपुन.

इतना बोल वो अपना हाथ आगे बढ़ाने को हो जाता है पर अचानक स एक तलवार आती है और उसके हाथ को कोहनी तक काट देती है जिस वजह स वो दर्द स चीखने लगता और आपने आदमियों को बुलाने लगता है

Guddu-are madhar***d हाथ काट दिया रे अपुन का behen***d अरे कहा मर गए सारे लोग (मेरी तरफ dekh)bhadwo ये अंदर कैसे आगया. कोण है बे तू madar***d अपुन का हाथ क्यू कटा bahen***d.

मैं- और चिल्ला चिल्ला क बुला अपने साथियों को पर वो अब तेरे पास नहीं आएंगे तेरे को hi जाना पड़ेगा उनके पास.

मैंने अभी इतना बोलै था क रूम म मेरे टीममेट्स की एंट्री हुई.

किसी क हाथ म गन तो कोई तलवार और खंजर लिए खड़ा tha.Sabhi क शरीर खून क निशान स भरे पड़े the.Sameera क तलवार प अभी भी किसी का भेझा चिपका हुआ tha.Maine अभीतक उन 5 को ध्यान स देखा भी नहीं था और वो सारे तो गुड्डू क हाथ काटने वाले सन क बाद शॉक म hi चले गए थे और फिर जब मेरे टीममेट्स को देखा तो चुप hi रहना ठीक samjha.Maine अपने टीममेट्स को.

Main-Agents बहार पूरा क्लियर क्र दो सारे बॉडीज इसी रूम म ले aao(Sameera स ) इस चूतिये को बेहोश क्र इसकी फर्स्ट अिध करदो.

मेरे इतना बोलने स hi वो सभी आपने आपने कम्मो प लग gaye.Mujhe उन 5 का पता तब चला जब उन्होंने वो अधकटे बॉडीज देखि और उल्टिया करि सुरु की tab.Ultiyan करते हुए hi 3 no फीमेल बेहोश हो गयी और जब मैंने उनको देखा तो मुझे खुद प बड़ा गुस्सा aaya(aage पता चलेगा क्यू )

अभी मैं कुछ कहता की वो इंस्पेक्टर और आदमी दोनों बोले

Aadmi-Sir प्लीज हमें जाने दो हमने कुछ नहीं किया ह देखो हमे इनको बहार ले जाने दो कही इन तीनो को कुछ हो गया तो हम दोनों जी नहीं पाएंगे प्लीज.

इंस्पेक्टर - सर प्लीज सर हमें जाने दो अगर इन्हे को....

अभी वो आगे कुछ बोलता मैंने समीरा को बोलै

Main-Agent02 इन सभी की रस्सिया खोलो और हमारे वन तक ले जाओ वह डॉक्टर स इनकी ट्रीटमेंट करने बोलो (इंस्पेक्टर की तरफ) देखो अभी हम तुम्हे जाने नहीं दे सकते जब तक हमारा मिशन कम्पलीट न होजाये. आप लोग एजेंट02 क साथ जाए और अभी वन म रह क हमे कप्रट करे अगर भागने की कोसिस की तो एजेंट02 आपको शूट क्र देगी.

समीरा न एक लड़की को उठाया और बाकि दोनों को इंस्पेक्टर और आदमी न और चले गए वन क pass.Unke आने स पहले hi मैंने आपने सारे टीममेट्स को उनको अपनी पोजीशन लेने को कहा और ये भी कहा की जैसे hi बॉडीज वाले रूम की लाइट जले सबको उड़ा देना शिवाय हेड क.

सभी ok बोल आपने अस्प्ने पोजीशन प पहुंच गए तभी मेरे फ़ोन प एक नोटिफिकेशन आया और उसी क साथ समीरा भी पहुंच गई मेरे पाद अपना फ़ोन लिए और मुझे फ़ोन दिखाया फ़ोन जिसमे मेरे फ़ोन वाला नोटिफिकेशन hi था

Notification-your टारगेट इस कमिंग नियर यू.

ये नोटिफिकेशन हमारे बनाये गए आप का था इस आप का काम ये था की जिस भी no को या फिर िमे no को हम समीरा क सिस्टम म डालते अगर वो no हमारे लोकेशन क 1 कम रेडियस क अंदर आये तो ये आप हमे न सिर्फ इन्फॉर्म करता ह बल्कि उस no को ट्रैक भी करने लगता है

ये उन्ही दोनों no. म स एक होगा जो कल सिस्टम म इनपुट किआ गया था और अब वो हमारी hi तरफ आ रहा था.

मैं - समीरा हम प्लान प hi चलेंगे ok अब सुनने इस बन्दे को कुछ मत होने देना इसकी तो मैं खातिरदारी करूंगा


आगे जो हुआ वो आपको पता hi है इसके बाद मैंने समीरा स बोलै

मैं - समीरा अब तुम हैंडल करोगी ok पहले तो अच्छे तरह स चेक करो इस जगह को अगर कुछ खाश मिले तो उससे अपने नए बेस प पंहुचा dena,in दोनों को भी इंटेरोगेशन रूम म बांड dena,m कल बेस प आऊंगा और है जाने स पहले बॉडीज को डिस्पोसे क्र देना.

इतना बोल मैं चल पड़ा वन की taraf.waha पंहुचा तो अब सभी ठीक थे पर दर्रे हुए थे मैं पहुंच गया इंस्पेक्टर क पास और बोलै

Main-(uske बैच प उसका नाम देख )प्रदीप तुम यहाँ इनके साथ कैसे.

Pradeep-sir ये मेरी फॅमिली hai.(main ये सुन चौक gaya)Main शिवपुर का ैप हु सर यहाँ आये दिन ये लोग (गुड्डू & गैंग) kuch-n-kuch उल्टा सीधा करते रहते थे और मैं इनके कामो टांग ादतः रहता इन्होने मुझे सुरु म खरीदने की कोसिस की पर मैं नहीं बिका उल्टा इनपे और कड़े एक्शन्स लेने laga.Mere कारन डिपार्टमेंट क कर्रप्ट लोग भी परेशान थे इस लिए उनलोगो ने इनके साथ मिलके मुझे और मेरे फैमली को मरवाने की प्लानिंग की और ये कामयाब भी हो जाते अगर आप सही वक़्त प न आते to.Thank यू सर.

Main-ye तो आप सभी का लक था की मैं पंहुचा यहाँ फिर भी वेलकम अब आप हमे अपनी फॅमिली स तो मिलाओ.

Pradeep-je सर ye(aadmi की तरफ) है मेरे अंकल पवन कश्यप (औरत की तरफ) मेरी आंटी अनुराधा कश्यप (लड़कियों की तरफ इशारा क्र) मेरी बहने प्रगति और निधिमा.

{अब पता चला मुझे गुस्सा क्यू आया था अरे मेरी वजह स मेरी बड़ी मासी और बहने बेहोश हो गयी थी}

Main-Hello एवरीवन अब आप सब जा सकते है हमारा मिशन कम्पलीट हो गया है और मैं सॉरी भी कहना चाहूंगा की मेरी वजह स आप सभी को वो सब देखना पड़ा (प्रदीप की तरफ) दोस्त आगे स अपनी फॅमिली की सेफ्टी का ध्यान रखना ताकि फिर ऐसी कंडीशन न आये

A.Maasi- सॉरी बोलने किबजरूरत नहीं है आपको आज आपने हमे बचा क हमपे बहुत बड़ा उपकार किया hai(pradeep की तरफ देख प्यार स) बीटा इस नौकरी को छोड़ अपने अंकल क बिज़नेस म हाथ बताओ अब तो तुमने भी देख लिया की इस नौकरी म कोई तुम्हारे साथ नहीं तुम्हारे अपने डिपार्टमेंट क लोगो न hi तुम्हे फसा दिया.

Pradeep-Sahi कहा आंटी म आज hi रिजाइन दे दूंगा मुझे मेरी फॅमिली स ज्यादा इम्पोर्टेन्ट कुछ नहीं है mom-dad क जाने क बाद अब म किसी और को खोना नहीं चाहता.


Main-Main चलता हु.

A.massi-sir अपना नाम तो बता दीजिये ताकि हमें भी पता हो क हमे किसने बचाया है.

Main-Kingg

इतना बोल मैं वह स चला गया.


टाइम-7:21

मई घर म आया तो डैड और मौसा जी गार्डन म बैठे कुछ बाते क्र रहे थे मैं भी उनकी तरफ चल दिया.

मौसाजी- बीटा आपका रिजल्ट कब है

Main-abhi तो टाइम ह उसमे.

Dad-to क्या सोचा है तुमने आपने फ्यूचर क बारे म.

main-Dad अभी तो B.Tech की सोच रहा हु आपलोगो क hi सोल्लगे स सीज़ सोल्लगे स

सोल्लगे का नाम सुनते hi डैड और मौसाजी थोड़े चिंतित हो गए फिर नार्मल हो क बोले

Dad-Accha सोचा h.tum जाओ हम देख लेंगे इससे.

मौसा ji-Haa तुम जाओ और जो तुम्हारे रूम क लेफ्ट साइड वाला रूम है न उसमे मैंने गयम क इक्विपमेंट्स रखवा दिए ह देख लो अगर कुछ कम पड़े तो बता देना ok.

मैं तो ये सुन बहुत खुस हो गया फिर चल दिया घर क अंदर.

जब अंदर आया तो सरे क सारे टीवी प सीरियल देख रहे थे वो भी बड़े ध्यान s.Agar अभी यहाँ कोई गन स फायर भी क्र देता तब भी इन्हे कुछ पता नहीं चलता.

मैंने भी इन्हे बिना डिस्टर्ब किये अपने रूम म चला गया और फिर चेंज क्र गयम को देखा सर्रे इक्विपमेंट्स देखे सब कुछ ठीक था.

फिर मैं नीचे गया खाना खाने. दिंनिंग टेबल प मेरे एक तरफ Saifali(meri एंजेल) बैठी थी और एक साइड तिया & तान्या और तीनो मुझे उस घटिया स सीरियल की कहानी सुन्ना रहे the.Maine जल्दी स आपने खाना ख़तम किया और चल दिया सूने .

सूट hi म पहुंच गया जंगल म और बैठ गया ध्यान म 2ंद चक्र जगाने
 
दोस्तों इस जगह स मैंने स्ट्रोरी म थोड़े चंगेस किये है .

अपडेट-7

चरक्टेर्स

गुड्डू - एक समुगलर

अबतक

मैंअपना 2सरा चक्र जगाने क लिए बैठ गया ध्यान म

आगे

आज भी वैसा hi दर्द हुआ और वैसे hi मेरे बॉडी स रे निकला और फिर समां गया मेरे बॉडी म.

मेरी नींद 4 बजे क आस पास खुली आज भी बॉडी दर्द था जब मैं बाथरूम म फ्रेश होने गया तो मिरर म खुद को देख चौक गया क्यू की मेरी बॉडी और भी स्ट्रांग लग रही थी मेरे मसल्स और फुले हुए थे कट्स फिर और अच्छे स शेप म आ गए the.Main अपने अंदर आये इस चेंज को ले क्र थोड़ा परेसान हो गया क सबको क्या बताऊंगा क अच्चानक ऐसे कैसे हो gaya.Fir अभी क लिए ये सब दिमाग स झटक चल पड़ा गयम म और शुरू की वेट लिफ्टिंग पर साला ये वेइट्स मुझे बिलकुल किसी पंख क तरह हलके लग रहे थे मैंने धीरे -धीरे सारे वेइट्स तरय किये पर मेरे को तो सारे एक साथ उठने प भी हलके लग रहे the.Mere को लगा सायद बॉडी म आये हुए चेंज की वजह स ऐसा h.Karib 6 बजे गयम स निकल पार्क क ओर चल diya.Abhi मैं रास्ते म hi था .ये रास्ता सुबह क इस समय प बहुत सुनसान होता ह कुछ hi लोग होते है यहाँ स आने जाने wale.Mai आगे बढ़ hi रहा था क मुझे कुछ लड़किओं क चिल्लाने की आवाज सुनाई di.Main भी चल पड़ा आवाज की दिशा m.waha पंहुचा तो पाया 6 लोग मिल के 2 खुबशुरत लड़कियों को पकडे हुए hai.Mainunke पास पहुंच क्र.

मैं: अरे क्या भाईलोग सुबह सुबह hi पाप शुरू क्र दिया चलो अब जल्दी स इन्हे छोड़ क भाग जाओ नहीं तो बहुत मरूंगा.

A1-(apne साथिओं स) देखो इससे भाइयों लगता ह इसकी चर्बी निकालनी पड़ेगी

A2-haa भाई मेरे हाथो म भी खुजली हो रही ह

A3(leader)-jaa क मिटा ले खुजली अपने हातो की .

मैं -अरे जिसको भी आना ह जल्दी आ जाओ अगर म आ गया तो सभी को बहुत मारूंगा.

मेरा इतना कहना था की ा2 दौड़ता हुआ आया मेरे पास और मुझे मरने को अपना हाथ आगे किया.

मैंने भी सोचा साले क साथ खेलु बहुत दिन हो गए थे हाथ साफ़ kiye.Jab वो मेरे करीब पंहुचा मैंने भी एक पंच बना उसका पेट प मार दिया उसके हमला करने स पहले hi.Maine तो बस उसके साथ खेलने क लिए ऐसा किया था पर हुआ ये की मेरे पंच पड़ते hi वो उड़ता हुआ अपनी कार प जा गिरा और अब हिल भी नहीं रहा tha.Jab मैंने ये देखा तो थोड़ा शॉक हो गया वही उन गुंडों और दोनों लड़कियों की तो पूछो hi मत मुँह फाड़े कभी मुझे तो कभी उस आदमी को देख रहे थे .ा3 जो उनका लीडर था वो खुद को संभल क बोलै

ा3 - बहुत गलत किया तूने लकी भाई क आदमिओं स पन्गा ले के अब तो तू भी जायेगा इन दोनों क साथ.

इतना बोल उसने अपने 4 साथिओं को बेज दिया मेरे को मारने चारो हॉकी stick,baseball स्टिक ,चैन और बात लिए डूअड़ पड़े मेरी और मैंने सोचा अब इन्हे तो और आराम स मारना पड़ेगा वर्ण ये सारे भी मारे जायेंगे .अभी म य सोच hi रहा था क A1:saale एक को मार क ज्यादा साना बन रहा है रुक अभी तेरे को मार क तेरे घर जायेंगे हम सभी और वह प.. आअह्ह्ह्हह आआ

वो अभी अपनी लाइन पूरी करता एक चांटा खिंच क मैंने उससे मारा चायताक जिसके बाद साले के एक साइड क सारे दन्त जमीं प थे और वो वही गिरा पड़ा था. ये देख ा1 बोलै

ा1: अरे चूतियों मिल क मारो न जल्दी कहे बकचोदी क्र रहे हो अब no बतियाना ओनली लत्तियाना समझे नहीं हम hi तुमको मार देंगे.

ा1 की बात सुन तिण्णो न मिल क मुझपे धावा बोलै एक ने हॉकिस्टिक स मेरे पेअर प वार किया दूसरे न बेसबॉल बात स मेरे पीठ प और एक न बात स मेरे सर p.Maine हवा म छलांग लगा क तीनो स बच गया पर तीनो क hi वार एक दूसरे को लग गए उनको गुस्सा आगे और वो फिर मेरी तरफ दौड़े मैंने भी एक क पेअर प लात मारी और बाकी 2 क सीने प घुसा दे दिया पेअर वाले की पेअर की हादी बुरी तरह टूट गई वो वही बैठ चिल्लाने लगा दर्द स बाकि क दोनों मार चुके थे उनके मुँह स खून की पिचकारी निकली थी. अब ा3 की फट क चार हो गयी थी वो साला दोनों लड़कियों को छोड़ भागने को हुआ मैं दौड़ क पहुंच गया उस तक मेरी स्पीड म और उसके सामने खड़ा हो गया और दे मारा एक ग़ुस्सा उसके पेट प वो उड़ता हुआ दोनों लड़कियों क पास पहुंच गया और भहुत बोल क मर गया. वह प अब एक गुंडा पड़ा हुआ था जो दर्द स तड़प रहा था मैंने उसको भी वही प मार देना hi सही समझा क्यू की अगर ये बच जाता तो मैं इस बेकार क लफड़े म फर्श जाता जो मैं नहीं चाहता tha.Usko ख़तम करने क बाद मैंने समीर को टेक्स्ट क्र लोकेशन बेजा और उससे 15 मं म क्लियर करने को bola.Fir मैं चल पड़ा दोनों लड़कियों की तरफ वो हद स ज्यादा दरी हुई थी एक तो पहले गुंडे फिर मैं और मेरी मार उसके बाद सारे गुंडों की मौत और वो ा3 की baat.Sayad सच म मुझे दोनों hi भूत समझ रही थी मैंने सोचा इन्हे पहले कही बैठा देता हु ताकि इनसे पूछ सकू क वो लोग कौन थे और इन्हे क्यू परेशां क्र रहे थे मैंने तो बस किसी लकी भाई का नाम hi सुन्ना और कुछ nahi.Main उनके पास जाने लगा तो 2no पहले dhire-dhire पीछे जाने lagi.Main अभी कुछ बोलता क जेटली स मेरे पेअर म उस आदमी क दांत गड गए जिससे मेरे मुँह स एक छोटी चीख nikli.Meri इस छोटी सी चीख सुन पता नहीं उनको क्या हुआ दोनों न फ़ौरन दौड़ लगा दी और तुरंत वह स भाग gai.Main बस देखता hi रह गया अब मैंने भी पार्क न जा क्र पहुंच गया घर. वह सभी दिंनिंग टेबल प hi the.Maine भी चेंज क्र उनको ज्वाइन क्र लिया कुछ देर बाद सैफअली स्कूल क लिए तैयार होने चली गई और तिया , तान्या को भी माँ न शॉपिंग प जाने का बोल तैयार होने भेज दिया मुझे भी कहा तो मैंने मूड नहीं है बोल उनको मन कर diya.Saare एक साथ आ गए निचे तैयार हो के Mom,Maasi,Tiya,Tanya को ले निकल गए शॉपिंग प मैं भी सैफअली को स्कूल छोड़ने चला गया और मौसा जी डैड क साथ ऑफिस चल दिए.

सैफअली को घर छोड़ क मैं घर म आया आते hi अपने रूम म गया और अपना फ़ोन निकल उसमे अपने नानाजी क केस को स्टडी करने लगा और इस काम म मुझे बहुत स झटके लगे क्यू की जितने भी सबूत थे सारे क सारे बनावटी थे ऐसा लग रहा था की उन्हों वह प जान बुझ क रखा गया है

Main(maan m)-Ye साला नाना जी का पता नहीं चल रहा कुछ माँ डैड स सूना तो लगा क ये जो केस है इसमें पक्का इसका hi हाथ होगा पर साला फाइल क हिसाब स तो यही लग रहा ह कोई और ह जो नाना जी क खंधे प बन्दुक रख चला रहा है.

मैंने तुरंत अपने सुपीरियर को कॉल किया कॉल पिक होते hi वो बोल पड़े.

स- किंग जो भी तुम सोच रहे हो इस केस क बारे म वो बिलकुल सही ह तुम्हारे नाना को फसाया गया ह और उनको फ़साने वाला अभी भी उनके करीब ह.

मैं- (हैरान हो) सर आपको कैसे पता की वो मेरे नाना है.

स- वैसे hi जैसे ये पता था क दिग्विजय रॉ का एजेंट रह चूका ह (अगेनटड) और वो शिल्पा को भी ट्रैन क्र रहा है रॉ क लिए.

Main-aapko हमारे बारे म इतना कैसे पता है

S:King अभी तुम कुछ नहीं जानते हो अपने परिवार क बारे म कुछ गलतफहमियों क कारन तुम्हारा पूरा परिवार hi आज एक ऐसे मोड़ प है क.... ये बाते छोड़ो और केस को सोल्वे करने प फोकस karo.Yee केस मैंने तुम्हे इस लिए दिया है ताकि तुम उसमे कामयाब हो जाओ जिसमे मैं कामियाब नहीं हो पाया.

Main:Thik ह सर पर मुझे अपने फॅमिली क बारे म जानना ह.

S:sahi वक़्त का इंतज़ार करो मुझे पूरा यकीं ह क तुम जरूर कामियाब hoge.Waise तुमने दिग्विजय और शिल्पा को टीम म रख अच्छा किया ह पर जब वो ये जानेगे क तुम किंग हो तो कैसे हैंडल क्र पाओगे उनको.

S:sir मैं उनको हैंडल क्र लूंगा पर क्या उन्होंने ज्वाइन क्र लिया अभी.

S:Join तो वो जरूर करेंगे दिग्विजय क कुछ अधूरे वादे है जिनको पुर्रा करने वो जरूर लौटेगा. शिल्पा भी उसके साथ जरूर ज्वाइन करेगी.

कॉल कट.

सर स बात करने क बाद मेरा दिमाग और घूम गया पता नहीं बहुधा kya-kya बक गया मेरे और मेरे फॅमिली क बारे म.

मैंने फिर ऋत्विक को कॉल किया और उससे नानाजी एंड फॅमिली का अपडेट लिया सब कुछ नार्मल लग रहा था फिर मैंने समीर को कॉल किया और उसको बोलै क नानाजी क ऑफिस म घुस jaaye(job ज्वाइन करके).

और वह भी उनके करीबी लोगो का पता करे और उनकी डिटेल्स मुझे फॉरवर्ड करे.

फिर समीरा को कॉल किया और बोलै की आज मैं नहीं आ सकता आज क काम वो हैंडल क्र ले और गुड्डू और उस आदमी को अभी अंदर hi रखे.

इतना बोल म चल पड़ा गयम रूम म और वह बैठ केस क बारे म फिर स केस क बारे म.

चलिए कही और चलते है.

एक बड़ी सी सूंदर हवेली है जिसमे एक औरत मंदिर म बैठी एक तस्वीर लिए आशु बहा रही थी.

Aurat-Q भगवन क्यू उजाड़ दिया तूने मेरे स्वर्ग स सूंदर घर को कितने अच्छे थे वो दिन जब ये घर एक घर हुआ करता था लोगो की हस्सी गूंजती थी यहाँ बच्चो की किलकारियां उनका रूना कितना अच्छा था वो हम सब मिल क रहते थे पता नहीं कोस्की नज़र लगी मेरे घर को की आज ये एक मकान बन रह गया है क्यू भगवन Q(roote हुए)

तभी एक दूसरी औरत न उसके कंधे प हाथ रखा और बोली

औरत2- मालकिन अब रोने स कुछु नहीं होगा. हम यही वक़त बोली थी आपसे रूक लीजिये सैफअली बिटिया को इस घर स निकले जाने स .

औरत1- सुरभि उस वक़्त कुक समझ नहीं आ रहा था और जब समझी तो वो हमे छोड़ बहुत दूर चली गयी जहा स कोई नहीं आता कभी लौट क.

सुरभि- है तो अब कहे रू रही हो जब सब लूट गया.

औरत1- तू भी आज तक मुझसे रूठी है न होना भी चाहिए वो मेरे कोख स जन्मी जरूर थी पर उसकी देख भल तो टुन्ने hi की थी न यसोधा मैया क जैसे.

Shurbhi-Haa नाराज तो हु पर अब क्र भी क्या सकती hu(roote हुए) वो तो चली गयी न मुझे छोड़ क.

औरत1 है मेरी नानी जी यानि शर्मीला सिंह.

शर्मीला - है और साथ hi ले गयी इस घर की साड़ी खुशियां भी जब उसका जनम हुआ था तब स उसको प्यार नहीं मिला

Maa-Baap ka.Bhai-Bahno न भी सिर्फ नफरत hi दी usse.Hmesha अपने सारे बच्चों स दूर रहा उसको. बचपन स hi हॉस्टल म पड़ती आयी इतना बड़ा परिवार होने क बाद भी उससे कभी प्यार नहीं मिला वो तोह तू थी जो उससे उसकी माँ बन पला posha.Dekh न जो इस घर न उसके साथ बचपन स किया आज वही ये घर भुगत रहा है कहने को कितने लोग है न यहाँ पर कोई किसी स बात नहीं करता सारे लोग अपने म लगे रहते है.3-3 बच्चिया है इस घर म पर तिण्णो की आपस म नहीं बनती वो तो उनके maa-baap है जो इन्हे जोड़े हुए है वर्ण ये कभी एक जगह रहे hi na.Mere बच्चो को भी जब सच का पता चला सारे रिश्ते नाते तोड़ चली गई h.Apne Maa-Baap को तो छोड़ो संजना वाले हादसे क बाद स तो अपने जान सप्यारे भाइयों स भी बात नहीं की hai.Pata है Shurbhi,Poonam ने तो हमे अपनी बेटी का चेहरा भी देखने नसीब नहीं होने दिया हम सभी हॉस्पिटल म hi थे उस वक़्त और उसने दामाद जी स बोल हमें बहार करवा दिया.

Shurbhi-Malkin जानती आप भी हो की गलती किसकी थी उस वक़्त जो पूनम न ऐसा किया.

शर्मीला बस ये सब बोल क और सुन क roote-roote वही बेहोश हो gai.Jab सुरभि न ये देखा तो उसने सबको आवाज़ लगाई पर सायद कोई था नहीं घर म तो उसने किसी तरह नानी को उनके रूम म पहुंचाया और डॉक्टर को फ़ोन kiya.Doctor न चेक क्र क बताया की बप की प्रॉब्लम है बीएस और कुछ नहीं.

चलिए अब चलते है हम कल्प आश्रम की तरफ.

यहाँ प ऋषि Gautam(R.G.) अपने कुटिया म ध्यान म बैठे हुए थे की उनके कुटिया म कोई आया उसी क साथ इनकी ध्यान शदना भी समाप्त हो गई.

अरे ये तो Saaya(Sena नायक) है

SenaNayak(S.N)- R.G. को मेरा प्रणामम

R.G- अरे आज तो हमरे कुटिया म जिनलोक क सेनापति जी पधारे है आइये.

S.N- R.G मुझे माँ....

अभी वो अपना वाकया पूरा करते की उससे पहले hi

R.G.- हमें पता है आप क्यू आये ह महाराज स कह दीजियेगा की चिंता की कोई आवस्यकता नहीं ये तो बस ईश्वर की लीला ह कुछ पापियों को धरती स मुक्त करने ka.Abhi आपके मालिक बिलकुल स्वस्थ है और जल्द hi वो अपने सिंघासन प विराजने आएंगे.

S.N-Thik है

टाइम- 8:54

बैक तो हीरो

सभी लोगो न साथ म डिनर क्र लिया था और अभी हुस सब बातें क्र रहे the.Kal मेरी बहनो का स्कूल था इसलिए वो सूने चली गई थी.

मौसा जी कुछ चिंतित नज़र आ रहे the.Unko इससे देख डैड न उनसे पूछा.

डैड- क्या हुआ विक्रम कुछ परेशान स नज़र आ रहे हो

मौसा - है भाई साहब . मैं दिव्या भाभी क बारे म सोच रहा था क उनको बताऊ की नहीं क रेशमा & फॅमिली वापस आ गयी hai.Ab तो उनका भी ट्रांसफर यही हो रहा है सायद 2 दिन म यहाँ शिफ्ट भी हो जाये.

माँ- अरे दिव्या अभी भी पड़ती ह सोल्लगे म क्या?

मौसी- दीदी वो तो अब डीन एबीएन चुकी ह सोल्लगे की यहाँ सीज़ सोल्लगे म कुछ प्रॉब्लम चल रही ह इसलिए उनके यहाँ का डीन बनाया जा रहा है.

Mom/Dad-Dean बन गई?

मौसा - हां जब कोई आपने पर्सनल लाइफ स ज्यादा अपने प्रोफेशनल लाइफ में गम हो जाता है तो यही होता है.

डैड- क्या मतलब?

मौसी- आपको तो पता है न की वो न सिर्फ डीप की बहन थी बल्कि वो तो उसकी माँ भी थी डीप क खुसी क लिए कुछ भी क्र जानने wali.Yaad है जब उनको डीप & सैफअली क प्यार क बारे म पता चला तो उन्होंने सैफअली स तुरंत उसकी सगाई करवा दी thi.pr जब वो हादसा हुआ उनके साथ तब स दिव्या भाभी पूरी टूट गई थी अरे वो तो पुरे 2 महीने तक रूम स बहार hi नहीं aayi.wo तो जेठ जी ने उनको संभल liya.Fir किसी तरह उनकी जिंदगी पटरी प आयी पर तब स वो chup-chup रहने lagi.Kisi स भी बात नहीं करती थी बस जेठ जी और paridhi(beti दिव्या की) क साथ hi बात क्र लिया करती thi.waqt गुज़रा वो फिर स थोड़ी थोड़ी खुलने लगी. फिर अचानक स hi रेशमा भी गायब हो गयी और जब ये बात भाभी को पता चला वो तो वो जखम फिर स हरा हो गया और भाभी न अपना सब कुछ छोड़ बस अपने सोल्लगे और परिधि की पढ़ाई प फोकस सुरु कर दिया और देखते - देखते वो सोल्लगे की डीन बन gai.Jab मेरी डिलीवरी का वक़्त आया तब वो हमसे मिलने aayi.Meri बेटी को देख वो बहुत खुश हो गई क्यू की ये बिलकुल सैफअली की तरह दिखती thi.Bhabhi न इसका नाम सैफअली hi रख diya.Ab वो सैफअली क साथ खूब खेलती, सैफअली क आते hi जैसे उनको उनका खोया सब कुछ मिल गया हो वो तो ये तक बोलती की "मेरी सैफअली आ गई उसके पीछे पीछे डीप भी aayega".Ab हम लोग भी उनको खुश देख खुश रहने lage.Paridhi भी सैफअली को बहुत प्यार करती ह क्यू की वही तो उसकी पुराणी माँ को वापस लायी थी.

मासी की बात सुनते सुनते सभी क आशु निकलने लगे

Dad-dekho कल जब रेशमा आएगी तो हम उससे इस बारे म बात करेंगे.

सभी अपने रूम म चले गए मैं भी रूम म आ गया और सू गया

सूट hi जंगल जा पंहुचा और ध्यान म बैठ गया आपने 3रद चक्र जगाने को
 
दोस्तों पहले क सरे अपडेट हम इसी म कंप्रेस कर रहे है इसके आगे सरे नए अपडेट होंगे

अपडेट - 8

अबतक

मैं बैठ गया ध्यान म आपने 3रद चक्र को जगाने.

आगे

आज भी वही सब हुआ दर्द , रे निकलना bla....bla...bla...

मेरी नींद 4 बजे क आस पास khuli.Main उठा और फ्रेश हुआ और चल दिया गयम म वह करीब 2 घंटे तक एक्सरसाइज किया फिर 6:30 क आस पास निकल गया पार्क की तरफ मैंने वह जा के अपनी जॉगिंग शुरू क्र दी पर चार आखें ऐसी थी जो मुझे घूरे जा रही थी ऐसा नहीं था क मैं बहुत तेज भाग रहा था या अजीब लग रहा था . थोड़ी देर बाद वो आँखें मेरे पास आने लगी मैं अपनी धुन म दौड़ता रहा कुछ देर बाद पीछे स किसी की आवाज आयी जो बड़ी ताकि हुए थी .

ये दोनों कल वाली लड़कियां थी जो मेरे पास आ रही थी दौड़ते हुए (जॉगिंग).

मैं - आप दोनों मेरा पीछा क्यू क्र रहे ho(darne की एक्टिंग करते हुए)

लड़की1- अरे नहीं हम तो तुमसे बात करना चाहते थे बस तुम हमसे डरो मत

लड़की2- प्रेमा पागल वो नाटक क्र रहा है. (मेरी और देख) हम तुम्हे थैंक्स कहना चाहते थे.

मैं- और वो क्यू?

प्रेमा- अरे आपने हमारी जान बसाही थी न इसलिए थैंक्स

Ladki2-(mere तरफ एक पैकेट पास करती हुए) देखो अगर तुम हमारा एक काम करोगे तो हम तुम्हे पैसे देंगे.

उसकी बात सुन क म कंफ्यूज हो गया.

प्रेमा- अरे सपना पहले कन्फर्म तो क्र ले की ये वो है या नहीं.

Main-kya हु मैं? देखो सायद कुछ ग़लतफहमी हुई है.

Sapna-koi गलती नहीं हुई ह ok हमे पता ह तुम गुंडे हो वो भी बड़े वाले देखो प्लीज हमारी हेल्प क्र दो हम तुम्हे बहुत पैसा देंगे.

Main-arre मेरे को पैसे नही...

Prema-are पैसे नहीं चाहिए तो हमारे गाओं म जो खेत है वो लेलो पर प्लीज हमारी हेल्प कार्डो प्लीज (आखों म आशु लिए) देखो हम बड़ी उम्मीद क साथ आये ह तुम्हारे पास प्लीज.

सपना - है प्लीज न हेल्प करदो हम जिंगदी भर तुम्हारा उपकार नहीं bhulenge(roote हुए)

साला मेरा दिमाग ख़राब हो गया पार्क क सारे लोग हमारी तरफ hi देखने lage.Maine दोनों का हाथ पकड़ा. हाथ पकड़ते hi दोनों मेरे दिमाग म दोनों क बारे म सब कुछ आ गया वो क्या है कहा स आयी है उनकी प्रॉब्लम सब कुछ मेरे को अपने आज क पावर का पता चल gaya.Maine दोनों को एक बेंच प बिठा दिया .

Main-arre मेरी माताओ रूना बंद करो और मेरी बात सुनने.

मेंकोई छोटा बड़ा गुंडा नहीं हु समझे म तो बस एक आम सा लड़का हु .

Sapna-nhi तुम गुंडे हो नहीं तो अभी तक तुम जेल म होते .

Prema-aur नहीं तो क्या तुमने कल 6 मदर्स किये और किसी को भी इसका कोई पता नहीं चला पाका तुमने उन्हें कहि दफना दिया होगा और पुलिस को पैसे दे केस सुरु होने स पहले hi बंद करवा दिया होगा.

Main-arre नहीं नहीं आप लोग गलत समझ रहे हो मेरे डैड क कनेक्शंस बहुत स बड़े लोगे स इसलिए किसी को कुछ पता नहीं chala.(jhoot)

sapna(Prema क कान m)-dekh अभी भी चांस है क्या पता इसके डैड हमारी हेल्प करे.

प्रेमा बस हां म सर हिल्ला देती है.

मैं - चलो अब अपना प्रॉब्लम बताओ

Prema-kya हम तुम्हारे डैड स मिल सकते है

Main-kya ये प्रॉब्लम हिअ

सपना - नहीं पर हम तुम्हे बता क्र इसमें शामिल नहीं करना चाहते वर्ण तुम्हे कुछ हो भी सकता hai.please हमें आपने डैड ा मिलवा दो.

मैं - देखो ये तो लगभग इम्पॉसिबल है पर अगर तुम मुझे प्रॉब्लम बताओगी तो मैं देखूंगा की वो मैं क्र सकता हु या नहीं अगर नहीं क्र पाया तो डैड तो बता dunga.Yakin मानो आज तक डैड न कभी मेरी बास्त नहीं ताली ह.

प्रेमा और सपना एक दूसरे की तरफ देखने क बाद बोली.

प्रेमा- देखो मेरा नाम ...

Main-arre मैडम आपका नाम प्रेमा है ये आपकी सहेली सपना है .राइट? अब शिंदे मुद्दे प आते है.

सपना - ठीक है देखो हमदोनो सीज़ सोल्लगे म टीचर्स hai.waha प लकी नाम क गुंडे क नाम स ड्रग्स क धंधे चल रहे है .जब हमे पता चला तो हमने पुलिस म कम्प्लेन क्र दे पर यही हमारी गलती थी सायद अब वो हमे किडनैप क्र मार देना चाहता है. प्लीज हमें बचा लो उससे .

मैं - अरे डरो मत तुम्हारा काम हो जायेगा पर बदले म तुम्हे मेरी सोल्लगे म मदद करनी होगी.

प्रेमा - क्या तुम भी हमारे सोल्लगे क हो कभी देखा नहीं.

Main-arre मैडम अभी तो मैं 12तह क रिजल्ट का वेट क्र रहा हु की कब रिजल्ट आये और म आपके सोल्लगे म आ जॉन.

सपना- तुम्हारी आगे कितनी है

मैं -जी अभी 18 का होने म कुछ वक़्त है

prema-tumne इतनी कम उम्र म लड़ना कहा स सीखः.

Main-Baad म मिल क्र बताऊंगा अभी मुझे कही जाना है.

हमने अपना no एक्सचेंज किया फिर मैं चल पड़ा घर.

घर प पहले hi गाओं स सभी आ चुके थे और आपने आपने सामान भी सेट क्र लिया था सब न.

हमने ब्रेक फ़ास्ट किया और निकल पड़े स्कूल Tiya&Tanya क एडमिशन क लिए क्यू की सारे डाक्यूमेंट्स शिल्पा दीदी ले आयी थी. स्कूल क लिए आज मैं, फूफा जी ,दीदी और मेरी बाकि क बहने गए थे .वह सारे फॉर्मलिटीज क बाद उन्होंने मुझे घर ड्राप किया और निकले गए ऑफिस का बोल क.

मैं भी फिर घर म दोस्त का बहाना बना निकल गया अपने नए बेस की ओर.

जब मैं पंहुचा वह तो वह का नज़ारा hi कुछ और पहला ऐसा बेस था जिससे रॉ क टीम क लिए मोसाद मि6 रॉ और नेवी सील न मिल क बनाया था बहुत कुछ था अंदर. जमीं क ऊपर एक छोटा सा ढाबा बना हुआ था उस ढाबे क किचन स होक एक लिफ्ट थी जिसके जरिये हमारे बेस का रास्ता था बेस 2 फ्लोर का था 1सत फ्लोर प 5 रूम्स थी एक म सरे गैजेट्स और कम्प्यूटर्स थे , एक मैं खाने पन्ने का सामान था, एक म इलाजका सामान और मेडिसिन एक म weapons,aur अहिरी वाला था हमारा इंटेरोगेशन room.Bahar एक बड़ा सा हॉल भी था जो ट्रेनिंग क लिए था . उसके निचे वाले फ्लोर प बहुत सरे महंगी महंगी कार्स और बाइक्स रखे थे जिनमे स अधिकतर कस्टमइजद थे मैं उन्ही को देखने लगा की समीरा मेरे पास आयी और बोली.

समीरा - ये सारे हमारे टीम क लिए खास तौर पर मि6 और मोसाद न भेजे है .

मैं- वही मैं सोचु रॉ कब्स व्हीकल्स प इतना खर्चा करने lagi.kya वो दोनों आ गए ?

समीरा -है पर तुम उनको हैंडल कैसे करोगे. क्या तुम उन्हें अपनी पहचान बता डोज.

मैं- जब तक जरूरी न हो तब तक तो nahi.chalo चलते है. आज किसी और को भी उठाना है .

फिर हम पहुंच गए बेस क हॉल म जहा सभी एक दूसरे स मिल रहे थे.

Main:Agents अगर मिलना मिलाना हो गया हो तो अब काम क्र लेते है उससे pahle(fufaji और दीदी क तरफ dekh)welcome बैक अगेनटड आप गई तोह अकेले थे पर साथ म हमारे लिए एक नायब हीरा लिए आये है जो की बेहद खुबशुरत है वेलकम एजेंट11.

मेरी बात सुन जहा दीदी सरमने लगी वही फूफा जी को थोड़ा गुस्सा आया बेटी जो थी उनकी.

Main:Agent02 क्या पता चला हमरे मेहमानो क बारे म .

Sameera(Agent02)- किंग गुड्डू एक समुगलेर है जो की शिवपुर स ऑपरेट करता था और दूसरे का नाम है संजय कपूर

ये नाम सुनते hi फूफाजी की आखें चमक गई वो कुछ बोलते उससे पहले.

मैं क लीव आईटी अभी हमें किसी को और भी उठाना है अगेनटड सायद आपको उसके बारे म सुन अच्छा lage.aapka पुराण दोस्त लकी सिंह.

AgentD-aate hi रॉ ने मुझे मेरा बदला लें का मौका दे दिया.

Main:chaliye अब इस मिशन को आप hi हैंडल करोगे प्लान बनाओ और उसको कैर्री ों करो आपको यहाँ सबका सपोर्ट होगा.

उन्होंने प्लान बनाया और कुल 18 लोगो की टीम ले क्र जाने को तैयार हो गए. मैं जब स हॉल म एंटर हुआ था दीदी मुझे बड़े प्यार स देखे जा रहीथी इसलिए म उनके साथ नहीं gaya.Fufaji क टीम म Sameer,Sameera ,ऋत्विक, शिल्पा दीदी और भी एजेंट्स थे .

कुछ देर म हमारे खबरि न हमें लकी का लोकेशन बताया जो की एक फार्म हाउस था. फूफाजी एंड टीम न अपने प्लान को फॉलो करते हुए लकी को 6:30 तक बेस प ले आये .

वो तो अभी hi दोनों को इंटेरोगेट करना चाहते थे पर मैंने माना क्र दिया और कल इंटेरोगेट करने को कहा.

टाइम 7:30 मैं घर प पहुंचा सब कुछ नार्मल था अभी मैं आगे जा hi रहा था क दीदी और फूफा जी की एंट्री हुई दीदी मुझे कुछ अलग स लग रही थी मैं दीदी को hi देख रहा था अचानक स.

Mom-q रे तूने मेरी बहु भी दंड ली और मुझे बताया भी नहीं

ये सब्द मेरे लिए किसी बम स कम नहीं था की तभी एक बड़ा बम फूटा मत्लाद मैं माँ कीतरफ मुदा तो वह प सभी क ड्रेसेस चेंज हो चुके थे सभी क सभी इससे लग रहे थे किसी क शादी म जा रहे हो.

अभी म सभी को देख hi रहा था क वह हमारे घर का भी लुक चेंज हो गया. घर पूरा सजा हुआ था मैं किसी क हाथ म रिंग पहना रहा था .

जैसे hi मैंने ये देखा मैं इ तुरंत उस लड़की का हाथ छोड़ दिया और आस पास देखने लगा फिर मुझे सभी क रोने की आवाजे आने लगी ऐसा लग रहा था क सारे लोग एक hi सुर म रू रहे हो जैसे किसी क कण्ट्रोल म हो.

मैंने फिर उस लड़की की तरफ देखा जिसका मैंने हाथ छोड़ा था ये हूबहू शिल्पा दीदी की तरह लग रही थी फर्क इतना था की इसकी बॉडी उनसे ज्यादा खुबशुरत लग रही थी और आखों का कलर ब्राउन न हो के ग्रीन था.

अभी मैं उसको देख hi रहा था क वो रूट हुए वह स गायब हो गयी . मैं इधर उधर देखने laga.Uske गायब होते hi सभी होश म आ गए और अपने कपडे देख और घर का माहौल देख कंफ्यूज हो गए अभी कोई कुछ बोलता उससे पहले hi एक एक क्र सारे मेरे घर वाले बेहोश हो गए मैं भी उनके पास जाने लगा.

मुझे सब दिख रहे थे शिवाये शिल्पा दीदी क फिर एक साया मेरे सामने प्रकट हुआ

साया - मालिक हमें ज्ञात नहीं था क रानी शिल्पा स कुछ ऐसा हो जायेगा पर आप चिंता न करे आपके किसी भी परिजन को ये बातें याद नहीं रहे गई उनको ये बस एक स्वप्न hi लगेगा. रानी साहिबा भी कुछ देर म आपके साथ hi होगी.

साला मैं कुछ बोलता उससे पहले hi वो भी गायब हो गया अब बचा था म और मेरी बेहोश पड़ी फॅमिली हॉल म क तभी सभी क बॉडीज हवा म उड़ते हुए उनके रूम म चले गए .मैं ये सब देखता हुआ बैठ गया हॉल m.Mera दिमाग hi फटता जा रहा था कुछ समाज नहीं आ रहा था इस लिए.

चलिए देखते है शिल्पा दीदी कहा गई

(शिल्पा दीदी क रेस्पेक्ट मई)

जब मुझे मेरे पति न नहीं पहचाना तो मैं टूट गयी और चली आयी उस जगह जहा हम सभी न उनके साथ अपना आखरी वक़्त गुज़ारा था jungle(ye वही जंगल है जहा सौर्य सूने क बाद पहुंच जाता है.) म .

यहाँ आते hi एक अजीब श सुकून मिला दिल को साड़ी पुराणी यादे ताज़ा हो गयी मेरी मुझे सब वो खुसी क पल याद आने लगव जो हम सभी न एक साथ बिताएं थे फिर वो दिन भी याद आया जब हमारा सब कुछ बदल गया था.

फ़्लैश बैक (थे कर्स)

एक जगह प एक आदमी बैठा रू रहा था और उसके गोद म एक दूसरे आदमी का सर था.

आदमी2 - समरथ सौर्य सायद मेरा वक़्त इस जहाँ म ख़तम हो गया है जाते जाते बस इतना hi कहूंगा क आप अपना ख्याल रखना अगर आप ठीक होंगे तो मेरी बहने भी ठीक होगी और यदि वो ठीक होंगी तो मेरे आत्मा को रहत मिलेगी

Main-Mitr क्यू किया ऐसा क्यू वो वार मेरे लिए था तो क्यू अपनी जान दे दी तुमने क्यू

आदमी2- समरथ एक तो मैं आपका मित्र हु दूसरा आपकी पत्नियों न मुझे राखी बंदी है भाई माना है मुझे,

अगर म य जान क भी आपके ऊपर वार हो रहा है उससे न रोकता थो न तो मित्र कहलाने योग्य रहता और नहीं bhai.arre वो भाई hi कैसा जो अपने बहनो की ख़ुशी क लिए अपना सब कुछ नेवछावर कर de.Aur फिर आप तो मेरी बहनो क पति है तो आपको कैसे कुछ होने देता

अभी वो आदमी इतना hi बोलै था क वह प बाबा आ जाते है. ये आदमी बाबा क बीटा था.

बाबा अपने बेटे की ऐसी हालत देख गुस्से म आपने हाथ म पानी ले कर और मेरे ओर देखते हुए बोले

बाबा - समरथ सौर्य म तुम्हे श्राप देता हु क जिस तरह मेरा बेटे की मौत हुई ह ठीक उसी तरह तुम्हारे आपनो की भी मौत होगी.

तुम्हारी साड़ी पत्नियों की मौत और तुम उन्हें बचने क लिए कुछ भी नहीं कर पाओगे न hi अपनी शक्तियों स और न hi अपनी विद्याओं स

इतना बोल उन्होंने वो पानी मेरे ऊपर छिड़क दिया.

अभी भी बाबा क बेटे म थोड़ी जान बच्ची हुई थी तो उसने अपने पिता को उनकी गलती का अहसास करवाया .

बाबा - समरथ आप जाए और अपनी पत्नियों को यहाँ घटित साड़ी बाते बता दे और मेरे बेटे का भी अंतिम संस्कार क्र दे क्यू की अब म इस पाप क चलते उसको और पीड़ा नहीं देना cahata.Tabtk म अपने श्राप का कोई उपाय ढूढ़ लेता हु.

इतना बोल बाबा वह स गायब हो गए.

बाबा क जाने क बाद मैं भी वह स गायब हो अपने महल म पहुंच गया जंहा मुझे और मेरे मित्र की ऐसी हालत देख मेरी पत्नियों क रुलाई फूट गई.

मैंने उन्हें सब कुछ बताया और फिर उनके साथ मिल के अपने मित्र का अंतिम संस्कार किया.

इन सभी विधियों क बाद मैंने एक सभा बुलाई और वह प अपने खाश व्यक्तियों को अपने राज्य का कुछ कुछ हिस्सा दे दिया और फिर वह स निकल क अपनी पत्नियों क साथ एक जंगल म पहुंच गया.

कुछ दिन यही बिट गए फिर बाबा न हमे दरसन दिए और बोले

Baba-Samrath सौर्य ये जो कुछ भी हुआ ह ईश्वर की लीला थी वो आप सभी को किसी और लोक म ले जाना चाहते ह जिस वजह स ये सब हुआ h.Ab मैं आपको जो बाते बताने जा रहा हु उन्हें गौर स सुनिए गए. मेरे यहाँ स जाने क बाद hi आपकी साड़ी पत्निया अपना देह त्याग देगी आपको उन सभी का अंतिम संस्कार करना होगा उसके बाद इनकी आत्माएं आपने निर्धारित जगहों प पहुंच जाएगी.

उसके उपरांत आपको भी अपनी साड़ी शक्तियां अपने सरीर स निकल क 15 हिस्सों म बॉटनी होगी और उन्हें 15 चीजों म डालना होगा जो की सप्तरंगी किताबे, आपकी तलवार ,धनुष ,khanjar,Jinlok का आपका Singhasan,Parilok की आपकी mukut,apka लॉकेट ,आरमोर और आपकी बासुरी काम करने क बाद आपको भी अपने प्राण त्यागने होंगे इसी जंगल म.

मेरी raniya-Baba हम वह इन्हे पहचाने गए कैसे

Baba-Us जनम म आपको तब तक कुछ भी याद नहीं आएगा जब तक आप सभी क मान म समरथ क प्रति इसी जनम जैसा प्रेम भाव उत्पन न हो परन्तु 18 वर्ष की आयु होने क बाद जैसे जैसे उन्हें उनकी शक्तियां मिलना सुरु होगी वैसे वैसे उन्हें आप सभी याद आ jayegi.Aap सभी रानियों की शक्तियां आपके आत्मा म hi कैद रहेगी जैसे hi आपको अपना पूर्व जनम याद आएगा आपकी शक्तियां भी वापस आ जाएगी और आप अपने पुराने रूप म भी आ सकेंगी.

इतना बोल बाबा कुछ देर क लिए मौन हो गए और हम सभी एक दूसरे को आखरी बार देखने लगे.

Baba-(Raniyon s)ye सब चुकी मेरे hi कारन हुआ है म इस बात की कोसिस करूँगा क आप सभी को एक साथ hi राहु और हां जैसे इस जनम म मेरे पुत्र न आप सभी को अपनी बहन मन था ठीक उसी प्रकार अगले जनम म भी वो आपका भाई होगा और जब भी मुसीबत आएगी आप सब को उससे निकलने का प्रयत्न करेगा पर उसको उसकी शक्तियां तभी प्राप्त होगी जब आप सभी रनिया उससे अपना भाई मानोगी अन्यथा नहीं.

इतना बोल बाबा वह स चले गए और मैंने भी उनके बताये हुए तरीके स सब कुछ क्र दिया और देह त्याग दिया.

फ़्लैश बैक एन्ड.

(शिल्पा दीदी क रेस्पेक्ट म)

मैं वही जंगल म थी की तभी मुझे बाबा क आवाज सुनाई दी.

बाबा - ये आपने क्या क्र दिया रानी साहिबा.

Main-Baba मैं भूल गई थी की जबतक वो 18 साल क नहीं होते उन्हें कुछ याद नहीं aayega.Mujhe लगा उन्हें मैं याद होउंगी इस्सलिये मैं उनसे इस तरह मिलना चाहती थी पर सब बिगड़ गया.

बाबा - अब जब आपको सब याद आ hi गया ह तो मैं आपको उनकी सुरक्षा का दाइत्वा देता हु

फिर बाबा न अपना हाथ आगे किया उससे एक वाइट रे निकली और वो सीधा सौर्य क अंदर समां गई.

Baba-hmne उसकी अभी की स्मृति को मिटता दिया ह पर आप आगे स ध्यान रखें

मैं- जी Baba(udash होते हुए)

Baba-app उदाश न हो आप उनको अभी भी अपनी और रिझा सकती है पर आप अभी उनका मस्तिष्क नियंतर नहीं क्र सकते.

Main(kush ho)-Dhanyawad बाबा.

इतना बोल मैं घर म अस गई अभी भी सौर्य जमीं प बैठा था मैं उसके पास जा क्र.

main:arre आप जमीं प क्यों बैठे हो

Saurya(khada होते हुए)- ऐसे hi पर दीदी आप मुझे आप क्यों बोल रहे हो.

मैं: मेरी मर्जी मैं आपको कुछ भी बुलाऊ क्या आपको कोई दिकत है (झूठे गुस्से म)

Saurya(darte हुए)- नहीं मुझे क्यू प्रॉब्लम होगी जो मर्जी आये आप वो बुलाओ मुझे.

Main-kya आज म आपके साथ सो सकती हु .

Saurya-ha क्यू नहीं.

(हीरो क रेस्पेक्ट म)

फिर हम दोनों सोने चले गए मेरे रूम म .सूट hi मैं पहुंच गया जंगल m.Aur ध्यान म बैठ गया अपनी 4तह चक्र को जगाने म.

फिर वही हुआ वही dard,ray ेट्स...

मेरी नींद 4 बजे खुली शिल्पा दीदी न हमको जकड रखा था एकदम जैसे कोई छोटी बच्ची अपने खिलोने को जकड क रखती ह.

म उठा फ्रेश हुआ और गयम गया वह स फिर पार्क और फिर घर आया अपनी बहनो को स्कूल छोड़ा और निकल गया किंग क गेटउप म बेस की ओर वह पहले स hi फूफाजी और दीदी बैठी हुए थे. मेरे पहुंचते hi.

Fufaji-King क्या अब म उनकी खातिरदारी करू.

Main-Thik ह अगेनटड आप जाओ और समीरा को बी ले जाना उसको भी बड़ा सुख है खातिरदारी करने की.

मेरी बात सुन जैसे दोनों पागल हो उत्ते हो ख़ुशी स दोनों लगबघ दौड़ क अंदर चले गए.

उनके जाने क बाद दीदी बोली

Didi-king मेरी वेपन्स की ट्रेनिंग कब शुरू होगी.

मैं - एजेंट11 अभी तो आपको एक टेस्ट देना होगा मैं आपको एक फाइल दे रहा हु इसमें जो आदमी है आपको उससे अपने प्यार क जाल म फ़साना होगा और फिर उससे इस फाइल म दिए गए क़ुएस्तिओन्स क अंसवेरस निकलवाने होंगे वो भी कुछ hi दिनों म .

मेरी बात सुन ok बोल जानने लगी वो फोटो मेरे नानाजी क कंपनी क अकाउंटेंट की थी जिसपे मुझे सक था की इसका कुछ न कुछ जरूर लेना है इस टेररिस्ट फंडिंग वाले केस स. समीर जो की अभी उसी ऑफिस म था उसका भी यही मानना था.

Didi(man म)- देखो तो कैसा पति है अपनीही पत्नी को किसी और क साथ चाकर चलने को बोलता hai.ek बार बस एक बार इनको सब याद आ जाये फिर बताती हु इन्हे हँ

दीदी क जाने क बाद मैंने समीर को कॉल किया और बोलै की दीदी का ध्यान रखे अगर कोई भी गड़बड़ हो तो तुरंत मुझे कॉल करे
 
अपडेट - 9



अब तक

मैंने शिल्पा दीदी को अपने नानाजी क अकाउंटेंट को प्यार म फसके कुछ इन्फो निकलने बोलै.

अब आगे-

दीदी क निकलने क बाद मैंने ऋत्विक और समीर को दीदी का ख्याल रखने को कहा की अगर वो कही फसे तो वो दोनों उन्हें निकल ले फिर मैं चल दिए इंटेररोगेशन रूम जंहा अभी फूफाजी और समीरा मिल क लकी और संजय को पीटते जा रहे थे उन दोनों क फेस प एक ब्लैक कवर लगा हुआ था जिससे उन्हें ये नहीं दिख रहा था क उनको कौन मार रहा है वो बस चिल्लाये जा रहे थे और उनसे कुछ दुरी प चेयर प बंधा हुआ था गुड्डू.

मेरे अंदर जाते hi मैंने दोनों को रुकने को bola.Dono रुक गए फिर इशारे स 3no क फेस कवर हटाने bole.Sameera न 3no क फेस कवर hataye.Lucky और संजय का चेहरे आसुओ स भरा हुआ था वही गुड्डू जी की फटती पड़ी थी मुझे देख.

वही जब संजय और लकी की नज़र फूफाजी प पड़ी तो उनकी भी फात गई.

Main-tum लोगो स जो भी पूछा जाये उसका सही सही जवाब देना नहीं तो.

चलो आपने आपने नाम और काम बताओ

तिण्णो न अपना नाम बताया फिर गुड्डू को छोड़ बाकि क दोनों चुप हो गए गुड्डू बेचारे तोते की तरह बोले जा रहा था अपने धंधे क बारे म ा तो ज़ सब बोल दिया usne.fir बोलै

Guddu-(Sanjay को देख)- साले तेरे वजह स फसा आपुन बोलै था तेरे को की अभी टाइम सही नहीं है डील नहीं करते पर तू बसड्क तेरे को तो मेरी सुन्नी hi नहीं thi(meri तरफ देख) भाई सबकी लास्ट विश पूरी की जाती है न अपुन की भी क्र दो इस madar***d संजय को मेरे स पहले मारना.

संजय जो अब तक संभाल गया था बोलै.

संजय -(गुड्डू को देख)

ारे भड़वे ये लोग मेरा कुछ नहीं बिगड़ सकते जब मेरे भाई को पता चलेगा न की इनलोगो न मुझे पकड़ा ह तो पुररे अंडरवर्ल्ड म तहलका मच जायेगा मेरा भाई डॉन है डॉन (फिर फूफाजी को देख) और तू बे दिग्विजय साला तू भी जिन्दा हो गया डीप भी जिन्दा h.Tab तो पाका वो रेशमा और सैफअली भी जिन्दा hogi.Ek बार यहाँ स निकलबे दे फिर देख mai,lucky और पंकज मिल गैंगबैंग करेंगे उनके sath.Bada मज़ा आएगा दोनों की एक साथ लेने म

अभी फूफा जी कुछ करते उससे पहले hi मैंने अपनी चाकू निकली और संजय क हाथ म दे मारा चकु उसस्के हथेली क आर पार होगा और वो दर्द स चिल्लाने laga.Maine फूफाजी स बोलै

Main-(Gusse m)AgentD बहार स मेरा ब्लू बॉक्स ले आईयेगा वह डेस्क क पीछे पड़ा हुआ ह.

मेरे इतना गुस्से म बोलने स फूफाजी तुरंत बहार चले गए और समीरा मेरे लिए पानी लेने चली gai.Dono एक साथ hi रूम म aaye.Sameera क हाथो म 2 बाल्टी थी पानी स भरी हुई और उसके पीछे एक और एजेंट है जिसके हाथ म एक प्लेट था और बोटलेड water.Ussne वो बोतल मुझे दिया और वो प्लेट रूम म पड़े डेस्क प रख diya.Fufa जी समीरा क हाथो म बाल्टी देख उससे सवालिया नज़रो स देख रहे थे तो समीरा बोली

Agent02-AgentD अभी कुछ देर रुको पता चल जायेगा की ये मैं क्यों ले.

फिर मैंने अपना ब्लू बॉक्स खोला ये एक टूल बॉक्स था जिसमे लड़भाग हर तरह क टूल्स the.Maine उसमे स एक छोटा सा ड्रिल मशीन निकला और उससे फूफाजी कीतरफ बढ़ा उन्हें उससे पकड़ने को बोलै फिर कुछ नेल्स और एक हैमर जिससे मैंने समीरा को दे दिया और खुद एक पलिश लिए बढ़ चला संजय और लकी की ओर और मेरे पीछे पीछे वो दोनों भी आ गए.

Main-(Sanjay स) बहुत बोल लिया बीटा तूने अब देख अगर जो पूछा जाये वो न बताया तो तेरा क्या हाल hoga.AgentD सवाल.

फूफाजी- तूने बोलै डीप जिन्दा ह तूने उससे कब और कहा देखा

संजय जिसके एक हाथ म अभी भी चाकू दशा हुआ था वो बोलै

संजय - किशनपुर क बस स्टॉप प देखा था उससे साले को मारने क लिए लोग भी भेजे थे पर वो साला बचा गया पर अब और नहीं तुम सब मरोगे aurr...aaaahhhhhhh

अभी वो कुछ बोलता मैंने उसके नाख़ून निकल दिए अपने पलिअस स और बोलै

मैं- जितना पूछा जाये उतना hi बाटता अगर कुछ ज्यादा हुआ तो तेरा कुछ काम हो जायेगा समझा.

फूफाजी उसका जवाब सुन थोड़ा परेशान हो गए उन्हें समझ आ गया था की ये लोग मुझे डीप मौसा समझ रहे है और मेरे ऊपर हमला क्र रहे है.

फूफाजी - किस किस को पता है क डीप जिन्दा है.

संजय- मुझे और पंकज को.

Fufaji-Pankaj कहा है

संजय- तू मेरे साथ कुछ भी क्र ले म तेरे को पंकज का पता नहीं बताऊंगा उससे जैसे hi पता चलेगा की मैं गायब हो गया हु तो वो मुझे ढूंढ़ते हुए जर्रोर आये गए.

मैंने सोचा क्यू इतना टाइम वास्ते क्र रहा हु अपने पावर का उसे क्र सब पाटकर लेता हु फिर दोनों को तड़पा तड़पा क मरूंगा और मैंने bari-bari संजय और लकी क हाथ पकडे फिर क्या था मुझे उनके बारे म सब पता चल गया पर उनके किये गए कामो क बारे म जान मुझे हद स ज्यादा गुस्सा आने लगा मैंने जल्दी स फूफाजी स अपना ड्रिल मशीन लिया और दोनों क संजय क घुटनो प चलने लगा वो चिल्ला रहा था पर मुझे बड़ा मज़्ज़ा आ रहा था मैं तो जैसे मानो उससे तड़पता देख जन्नत म आ गया हो और फिर वो दर्द क मारे बेहोश हो गया वही उसके पास बैठे गुड्डू और लकी की तो पतलून hi गिल्ली हो गई. दोनों साले दर क मारे hi बेहोश हो gaye.Wahi मेरा ऐसा रूप देख फूफाजी भी दर गए पर समीरा खुद को नार्मल किये हुई थी जब उसने देखा तीनो बेहोश हो गए है तो बाल्टी स पानी ले उनपे दाल क्र उनको होश म ले aaye.Unke होश म आते hi मैंने फिर स आपने वहसि पैन शुरू क्र दिया पर इस बार लकी क साथ और बारी बारी संजय और लकी क साथ ऐसा करता raha.Guddu का ये देख ऐसी हालत हो गयी थी क वो समीरा और फूफाजी को उसको गोली मरने क लिए बोल रहा था.

अब फूफाजी स रहा नहीं गया और वो बोल उठे

फूफाजी - किंग इन्हे और मात तड़पाओ इन्हे बस मार दो

Main-AgentD ये तुम कह रहे हो जिसकी बीवी क बारे म ये लोग बोल न जाने क्या क्या बोल रहे थे

Fufaji-Main उनके लिए नहीं तुम्हारे लिए बोल रहा हु आपने ये वहसि पैन बंद करो नहीं तो ये तुम्हारी आदत बन जाएगी जो बहुत गलत होगा.

समीरा -किंग ये सही बोल रहे है इनको इनके किये की सजा मिल चुकी है अब इन्हे मुक्त करो.

Main-Tumlogo को पता नहीं इनके कारन कितनो न क्या क्या खोया ह इन्हे अभी और तड़पना होगा

समीरा मेरे पास आके :नहीं किंग तुम्हे हमारी दोस्ती की कसम इन्हे मार दो और इस दर्द स मुक्त करो

उसका बस इतना कहना था मैंने उन तीनो को गोली मार दी और निकल पड़ा वह स अपनी आखों म आशु लिए मैं वह स सीधा घर चला गया.

टाइम-3:40

मैं जैसे hi घर क अंदर आया मुझे माँ मिल gayi.Main लगभग दौड़ता हुआ उनके गल्ले लग गया और रोने लगा मेरे ऐसा करते hi माँ परेशां हो गयी और मुझसे पूछने लगी क क्या हुआ ऐसे रू क्यू रहा है औरउनके भी ासु निकल aaye.Mom क जोर जोर स मुझसे सवाल पूछ रही थी जिनकी आवाज सुन मासी भी जो की किचेन म थी वो भी बहार आ गई और मुझे ऐसे रूट देख मुझे गल्ले लगा लिया मैंने भी उनको जोर स गल्ले लगा लिया और रूट हुए उनसे बोलै

main-maasi आप बुआ को यहाँ जल्दी बुलाव .

उन्होंने पहले तो कुछ देर मुझे देखा फिर रेशमा बुआ को फ़ोन क्र ये सब बताया तो वो भी जल्दी स सुद्धा आंटी क साथ हमारे यहाँ आ गई.

मेरी ऐसी हालत देख सुद्धा आंटी न माँ की तरफ इशारे स कुछ पूछा और माँ ने भी है म रिप्लाई दिया फिर सुद्धा आंटी कुछ देर क लिए बहार चली गयी करीब 10 मं बाद वो अंदर आयी मैं इस वक़्त बुआ को गले लगा रोये जा रहा था की तभी मुझे मेरे हाथ म कुछ चुभने का अहसास हुआ और फिर अगले hi पल मेरे आँखें भरी होने लगी और म बेहोश हो गया. मेरे बेहोश होने क बाद

Mom-Shuddha लगता है ये उसी फार्मूला का कोई इफ़ेक्ट होगा

सुद्धा -है दीदी मुझे भी यही लगता ह

Poonam-Didi आपने तो बोलै था क आप लोग सौर्य क बॉडी स उस फोर्मुला क असर को ख़त्म करने क लिए आप लोग इससे कोई मेडिसिन देते है .

Reshma-ha हम देते है पर हमें ये भी पता है क एक न एक दिन वो फॉर्मूला समीर क अंदर कुछ चंगेस जरूर लाएगा.

शुद्ध - है सही कहा तुमने और लगता है वो वक़्त अब करीब आ रहा है. हमे जल्द hi कुछ करना होगा.

माँ - कब तक होश आ जायेगा इससे

क्षुधा -रात क खाने तक ये होश म

माँ - ठीक है पर जब इससे होश आये तो कोई भी अभी जो कुछ भी हुआ उसके बारे म नहीं बात करेगा.

मस्सी -ठीक है दीदी पर इससे पहले हम इसके रूम म ले चलते है और चरों न मुझे किसी तरह मेरे रूम म पंहुचा दिए और चारो वही मेरे रूम बैठ गए

 
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