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माय झरने के करीब था क्युकी बहुत देर से छोड़ रहा था सुनीता को वो भी अब थक चुकी थी इस उसकी आवाज़ से पता चल रहा था इस लिए माय लम्बे लम्बे स्ट्रोक मरने लगा वो अह्ह्ह्हह मम्मीयीय ओह्ह्ह्हह गॉडडडड प्लीज सलौलियी सलौलियी धक्के मारिये न अब मेरे अंदर ताकत नहीं बची है जी जल्दी से मेरी छूट में अपना पानी गिरा के मेरी छूट की जलन को ठंडा कर दिज्ये न इधर माय 30 से 40 तूफानी धक्के मरते हुए फिनले एक जोर का झटका मारा जिससे मेरा पूरा लुंड छूट की अंदर की फैंको को खोलते हुए सीधा बच्चे दानी के अंदर जा के रुका और वही पे रोक के अपना गरमा गरम पानी छोड़ने लगा,
इधर मेरा लुंड के गरमा गरम पानी गिरने से वो भी खुद को रोक नहीं पाई और मेरे लुंड पे अपना गरमा गरम राश को बहाने लगाई और मुझे अपने बहो में कास के अपनी कमर को उठा उठा के मेरे लुंड पे मरने लगी और माय भी उसके दोनों कंधे को तितली पकड़ जोर जोर से धक्के पे धक्का देता रहा जब तक मेरी आखरी बुनद तक नहीं गिर गया पीर माय धक्के मरना छोड़ के उसकी 36 साइज की बड़ी चुके की दरार पे अपना सर को रख के लुब्बी लुब्बी सास छोड़ने लगा और वो मेरे सर और पीठ को सहलाते हुए अपनी छूट को कभी तित करती तो कभी ढीला छोड़ रही थी और उसकी बच्चे दानी भी मेरा हर बून्द अपने बच्चे दानी के अंदर खींच रही थी
थोड़ी देर के बाद हम दोनों नार्मल हुए तो माय उसके ऊपर से उठा और बगल में लेट गया वो मेरे ऊपर कम्बल को दाल के मेरे ऊपर आ गई और मेरे अधखड़े लुंड को पकड़ के अपनी छूट में पीर से दाल के मेरे साइन पे लेट गई माय उसके गांड को सहलाते हुए क्यों मेरी जान लुंड को फिर से अंदर कर ली कही पीर से न खड़ा हो जाये, सुनीता, हो जायगा तो पीर से मेरी छूट मर लीजियेगा लेकिन आज पूरी रात मेरी छूट के अंदर उसे आराम करने दीजिये न प्लीज, मैं, उसकी गांड की दरार में ऊँगली दाल के सहलाते हुए है मेरी जान ये लुंड अब तुम्हारा है जैसा मान करे वैसा करो उसके साथ तुमने मुझे आज सटिस्फीएड किया है आज बहुत मज़ा आया तुम्हे छोड़ के,
सुनीता, शरमाते हुए आपने तो मेरी कमर की बंद hi बजा दी है जणू कल कही उठ भी न पाव माय भी गरम थी और आप भी इस लिए हम दोनों की गलती है इस खतरनाक चुदाई की आज मेरी छूट ऐसी लग रही है जैसे माय प्रेग्नेंट हो चुकी हु फुल के कचोरी बन गई है समीर जी, मैं, कल सुबह ठीक हो जायगी पीर माय आंखे बंद कर लिया और वो मेरे होंठो पे एक छोटा सा किश करके धीरे से ऐसे hi मुझे प्यार करना आप नहीं तो माय मर जाउंगी आपके बिना ी लव यू समीर जी और गुड नाईट ये बोल के मेरे साइन पे सर को रख के सो गई,
इधर मेरा लुंड के गरमा गरम पानी गिरने से वो भी खुद को रोक नहीं पाई और मेरे लुंड पे अपना गरमा गरम राश को बहाने लगाई और मुझे अपने बहो में कास के अपनी कमर को उठा उठा के मेरे लुंड पे मरने लगी और माय भी उसके दोनों कंधे को तितली पकड़ जोर जोर से धक्के पे धक्का देता रहा जब तक मेरी आखरी बुनद तक नहीं गिर गया पीर माय धक्के मरना छोड़ के उसकी 36 साइज की बड़ी चुके की दरार पे अपना सर को रख के लुब्बी लुब्बी सास छोड़ने लगा और वो मेरे सर और पीठ को सहलाते हुए अपनी छूट को कभी तित करती तो कभी ढीला छोड़ रही थी और उसकी बच्चे दानी भी मेरा हर बून्द अपने बच्चे दानी के अंदर खींच रही थी
थोड़ी देर के बाद हम दोनों नार्मल हुए तो माय उसके ऊपर से उठा और बगल में लेट गया वो मेरे ऊपर कम्बल को दाल के मेरे ऊपर आ गई और मेरे अधखड़े लुंड को पकड़ के अपनी छूट में पीर से दाल के मेरे साइन पे लेट गई माय उसके गांड को सहलाते हुए क्यों मेरी जान लुंड को फिर से अंदर कर ली कही पीर से न खड़ा हो जाये, सुनीता, हो जायगा तो पीर से मेरी छूट मर लीजियेगा लेकिन आज पूरी रात मेरी छूट के अंदर उसे आराम करने दीजिये न प्लीज, मैं, उसकी गांड की दरार में ऊँगली दाल के सहलाते हुए है मेरी जान ये लुंड अब तुम्हारा है जैसा मान करे वैसा करो उसके साथ तुमने मुझे आज सटिस्फीएड किया है आज बहुत मज़ा आया तुम्हे छोड़ के,
सुनीता, शरमाते हुए आपने तो मेरी कमर की बंद hi बजा दी है जणू कल कही उठ भी न पाव माय भी गरम थी और आप भी इस लिए हम दोनों की गलती है इस खतरनाक चुदाई की आज मेरी छूट ऐसी लग रही है जैसे माय प्रेग्नेंट हो चुकी हु फुल के कचोरी बन गई है समीर जी, मैं, कल सुबह ठीक हो जायगी पीर माय आंखे बंद कर लिया और वो मेरे होंठो पे एक छोटा सा किश करके धीरे से ऐसे hi मुझे प्यार करना आप नहीं तो माय मर जाउंगी आपके बिना ी लव यू समीर जी और गुड नाईट ये बोल के मेरे साइन पे सर को रख के सो गई,