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फील थे पैन - part 2
डेथ हेलो वस निर्वाण
“ मुझे इस नाम से नफरत ह “
विथल —पैरो मई गिर कर माफ़ी मांगते हुवे डेथ हेलो माफ़ी…..
“ ये आखिरी बार ह…”
और वो इतना कहकर खिड़की की तरफ gaya….aur सीधे सामने की तरफ देखने लगा जंहा निर्वाण मौजूद था और उसी वक़्त निर्वाण ने भी उसे देखा दोनों के हे चेहरे पर मास्क था …. अगले हे पल डेथ हेलो सीधा दूसरी मंजिल से निचे कुढ़ कर जमीन पर लैंड हुवा और निर्वाण की तरफ देखने लगा….. कुछ पल बाद निर्वाण भी जम्प करके तीख डेथ हेलो के सामने आकर लैंड huva…Nirwana उसके और करीब आकर उसकी आँखों मई देखने लगा ……दोनों ने हे एक दूसरे से कुछ नहीं कहा ……क्योकि उनकी आंखे सब भैया कर रही thi……aur इन आँखों मई छिपा हुवा था न जाने कितनी हे लोगो की मौत का दर्द नाक अहसास जो सामने वाली की रूह को कंपकंपा ने के लिए बहुत था पर इससे दोनों को हे कोई फर्क नहीं पड़ा और दोनों एक दूसरे को देखते रहे …पर इस ख़ामोशी को तोड़ते हुवे दोनों मई से एक बोलै ….”उसकी मौत के बिच आज मैं खड़ा हु …
निर्वाण--- उसकी आँखों मई घूरकर और तेरी मौत बनकर तेरे आगे मैं खड़ा हु ……..
निर्वाण की बात सुनकर उसके चेहरे पर मुस्कान आगयी और उसने एक पंच सीधा निर्वाण के सीने पर जड़ diya….jisai निर्वाण पीछे की तरफ उड़ता हुवा दूर जेक गिरा …..निर्वाण के एक्सप्रेशन चेंज हो गए और वो मन मई हे सोचते हुवे bola“itna स्ट्रांग ….इसकी पावर तोह बहुत जायदा ह “ अभी वो इतना सोच हे रहा था की सामने से एक घुटना ऊपर से मू की और अत दिखाई दिया ..उसने बिना वक़्त गवांये तुरंत हे एक तरफ अपने आप को खिसका लिया और निचे एक हाथ का सहरा लेकर हवा मई उछाल कर एक किक मरी जिसे डेथ हेलो भी कई कदम पीछे हैट gaya….Death हेलो “नॉट बाद …..नॉट बाद….. “ बोलकर एक राइट किक निर्वाण के मू पर मरी जिसे निर्वाण ने अपने एल्बो से ब्लॉक करि पर किक मई प्रेशर इतना था की वो दो कदम साइड हैट gaya…par साइड हैट ते हुवे उसने भी फुर्ती से एक किक डेथ हेलो के कंधे पर जड़ दी ….दोनों एक दूसरे को फिर से घूरने लगे ….निर्वाण ने राइट पंच डेथ हेलो को मारा ….जो ब्लॉक हो गया फिर लेफ्ट पंच मारा वो भी ब्लॉक हो गया ….फिर तुरंत उसने एक घुटना जम्प के साथ चेस्ट पर मारा जिसे डेथ हेलो 5 फ़ीट दूर जा कर पीछे गिरा और तुरंत हे वो एक झटके से जम्प के साथ खड़ा हो गया ..और दुबारा एक जम्प लेके डुब्बले किक निर्वाण की चेस्ट पर जड़ दी जिसे निर्वाण कई कदम पीछे फिसल गया डेथ हेलो ने हाथ के इशारे से उसे अपनी तरफ फाइट के लिए आने का इशारा किया ….निर्वाण ने भी रनिंग डुब्बले किक मरी पर दत्त हेलो ने ैसिलय ब्लॉक कर्ली पर उसके पीछे खिसकने का फायदा उठा कर निर्वाण ने एक और पंच फुर्ती से उसकी चेस्ट पर मार diya…vithal जो ऊपर से सब देख रहा था उसने डेथ हेलो को निचे गिरता देखा तोह तुरंत एक के बाद एक 3 ग्रांडे निर्वाण की तरफ फेंक दिया ….जिसे बचने के लिए निर्वाण बचता हुवा पीछे की तरफ मूव होकर दूर चला गया…
दस मिनट बाद …..वंहा सब शांत हो गया निर्वाण भाग कर दूसरी मंजिल पर पंहुचा तोह उसे वंहा कोई नहीं मिला पर दूर उसे टॉर्च की लाइट के साथ 5 साये भागते हुवे नज़र ए ….वो तुरंत उनके पीछे भागकर कुछ मिनटों मसि पहुंच गया …….पर उसे उनमे विथल नहीं दिखा जिसे उसका गुसा और भड़क गया और इसी के चलते उसने 4 के गले उनके सर से अलग कर दिए और जब उसने सबसे आगे वाले पांचवे शख्स को देखा तोह उसके चेहरे पर क्रूर मुस्कान आगयी और पंचवे शख्स को भी पता लग गया था की उसका बचना अब मुमकिन नहीं ह …..वो एक जगह खड़ा होकर थार थार कंपनी लगा ….. निर्वाण ने करीब आकर उसके चेहरे पर एक मुक्का मारा जो उसके होश उड़ने के लिए काफी था फिर चीख कर बोलै विथल तू जंहा भी हो मैं तुजे ढूंढ निकलूंगा और तेरी मौत मेरे हाथ से होगी ..उनसे दूर विथल जो डेथ हेलो के साथ जा रहा था उसने ये आवाज सुनी तोह वो भी रूक gaya…..par बोलै कुछ नहीं पर उसके पास चल रहा शख्स बोलै” मन तुजे उसी वक़्त मरने का था जब तू हम दोनों के बिच आया पर तुजे आज बचने के लिए कहा गया ह…. तू उसे दूर रहना विथल और अब जो तुजे बोलू वो करना ह …..” इतना बोलकर वो विथल को समझने और बताने लगा और विथल सिर्फ है मई गर्दन हिलता रहा ….. डेथ हेलो “आज से तीख 60 दिन पबाद ये होगा तब तुजे एक मौका मिलेगा बदला लेने का….”
फिर दोनों वंहा से निकल कर एक दूसरे बेस पर पहुंच गए..
Piche…Nirwana यूनियन मिनिस्टर के बाल पकड़कर घसीट ता हुवा लेकर ारः था उसने एअर पीेछे को स्टार्ट कर के कुछ कहा ….और उसके 15 मिनट बाद हे कार आकर उसके पास रुकी …जिस साई उतरे चीफ …
चीफ--- सो एव्री ओने वांट्स डेविल एंड डेविल इस हेरे…..
निर्वाण--- इसे आप उन्हें दे सकते ह और कहना उनके सरे सवाल के जवाब इसके पास ह ….मैं चाहता था की उनकी माँ के सामने सब सचाई पता lage…par अब ये मुमकिन हे नहीं h…unki माँ को पुराणी बाटे याद नहीं ह…. मुझे जरुरी काम निपटने ह….
चीफ —- इसे मैं मई तुम्हारे बेस पर पंहुचा dunga..aur सोनाली वंही आकर मिल लेगी….
निर्वाण--- लॉ मिनिस्टर …
चीफ —- उसे मैं देख लूंगा….
वो अभी कुछ और कहते उसे पहले हे बाइक स्टार्ट होकर तेज़ी से निकल गयी….
चीफ--- ये लड़का भी अजीब मल्टीप्ल पर्सनालिटी ह एक ह जो सबको रेस्पेक्ट देता ह तोह दूसरा गुसैल जिसे जरा भी परवा नहीं ह किसी की भी ….ये तोह तीख ह की इसका कण्ट्रोल ह pura….nahi तोह ……fuuuuu…..ek गहरई साँस छोड़ने के बाद मंत्री को दिग्गी मई बंद करके वो निकल गए …..
तोह …..60 मिनट पहले……
आर्डर सुनील को डगप को मरने का मिला था पर सोनाली ने जोगिन्दर सिंह और शिवानी को भी जिद करके बुला लिया और ……जो गुसा उसे राज के न मिलने का था …..वो बेसक अब डगप पर उतरने वाला था क्योकि उसने हे तोह राज को मरने की पूरी नावे राखी थी…… और इसके लिए उसने पुरे पुलिस डिपार्टमेंट को कठपुतली की तरह इस्तेमाल किया tha….ye सोच कर वो और आगबबूला हो रही thi……isliye सुनील को भी दूर से देखने का कहा और वो अपनी भाभी से और थपड नहीं खाना चाहता था इसलिए दूर से हे सब देखता रहा …और जो डगप निर्वाण के साथ करना चाहता था ….उसे डुब्बले बुरा सोनाली उसके साथ करने वाली थी …..
सोनाली —- पुरे घर को मेरे तीन गिनने पर गोलियों से भून देना … कोई भी जिन्दा नहीं बचना चाहिए ह
सोनाली का आर्डर मिलते हे पूरी टीम घर को घेर कर कड़ी हो गयी और …..
1……..2……….3……..
के साथ सारा लोहा उस घर पर बरस गया अंदर वाले आदमियों को समाज हे नहीं आया …..की क्या हो रहा h….teen तरफ से एक साथ ुनगिनांत गोलिया उनपर बरस पड़ी
डगप ने गोलिया ख़त्म होने के बाद ऊपर आकर पुलिस को देखा तोह वो खुस हो गया पर उसे नहीं पता था की आज उसके साथ वो होने वाला ह जिसकी उसने सपनो मई भी उम्मीद नहीं की थी… पुलिस आगे बढ़ती रही और सरे आदमी मरते गए डगप एक कौन मई सेफ्टी के साथ स्टील टेबल के पीछे छिपा रहा और पुलिस के अंदर आने का वेट करता रहा …जम्मर लगे होने का कारन वो विथल को फ़ोन तक न कर पाए और जब पुलिस लास्ट मई डगप के पास पहुंची तब….
डगप — वेल दोने ैप सोनाली वेल दोनों तुम्हे अवार्ड और रिवॉर्ड जरूर milega…….tum वाकई बहादुर हो ……मैं खुद तुम्हारी sifarish……ka…rr…
सटक …….satak….satak…… तीन थपड एक के बाद एक उसके गाल पर पड़े ……..और फिर एक पीछे से सर पर पड़ी और उसके होश फाख्ता हो गए……..
1 ऑवर बाद…..
डगप नंगा लटका हुवा था ………
सोनाली —- पता ह तुजे तूने किसे मरने का आर्डर दिया tha……….mere दिल को ….तेरा मरना उसी वक़्त तय हो गया था जब तू लॉ मिनिस्टर का पालतू कुत्ता बांके आया था…..
डगप — तुम जानती हो मैं कौन हु …
सोनाली —- वास्ते ऑफ़ time….waste ऑफ़ money……..sidhi भासा मई पूरा कचरा ह तू
डगप —- तुममम……
सोनाली--- तू दुनिया की नज़र मई पहले हे किडनैप हो चूका ह तेरी लाश कभी पता नहीं लगेगी तू घुम्मन हे रह jayega….aur तू जिन्दा क्यों ह अभी तक तुजे मैं बताती hu.Third डिग्री के आगे एक फोर्थ डिग्री ह आज तुजे दिखानी ह………
फिर सोनाली ने यूनिक चीज निकली …. और बोली इसे पता क्या कहते ह इसे लेमन जूस निचोड़ने की हैंडमेड मशीन बोलते ह हर घर मई मिलती हपर तेरे लिए स्पेशल मांसाहारी चूहा मंगवाया ह और ये तेरा मऊ नहीं तेरी गोलियों तेरी नलकी को खायेगा ये कहकर सोनाली ने बैग को उसकी कमर पर बांध दिया और डगप की नाली को हे उमै रखा ……फिर भूखे चूहे ने ताज़ा मॉस की गंध पाते हे उसकी नलकी को कुतरना सुरु कर दिया ……डगप को हर सेकंड एक सुई सी चुबती हुवी टैंगो के बिच महसूस हुवी जैसे सुई निकली और फिर चूब दी और इस दर्द से वो बेइंतिहा जोर लगा कर चीकने लगा …..पर उस कमरे मई कोई नहीं था सुनने वाला क्योकि …वो स्पेशल पुलिस का सीक्रेट तौरतूरे रूम था और एक बात अभी तक सोनाली को नहीं पता थी की ….इस सरे तौरतूरे का लाइव यूनियन मिनिस्टर भी देख रहा था उसके सामने टीवी पर ये लाइव चल रहा था ……उसका मू खुला और दर से गांड फटी हुवी thi……par वो बोलता किसी क्योकि उस रूम मई उसके अलावा कोई नहीं tha…..par हर आती चीक उसे उसका फ्यूचर बता रही थी…. उसने गर्दन मोड़कर इधर उधर देखा की कोई तोह दिखे जिसे बात की जाये पर उसे कोई नहीं दिखा ….दिखा तोह सिर्फ डगप का तौरतूरे…..
तोह डगप की तरफ..
डगप-- बस करो बस करो …….छोड़ दो मुझे आअह्ह्ह्ह …हेलपपपपपपप …..चिल्ला रहा था ……और उसके सामने बैठी सोनाली कॉफ़ी पि रही थी और उसकी आंखे गुसाई से लाल हो राखी थी पिछले 7 दिनों से नींद की तीख से झपकी तक नहीं ली थी उसने टेंशन गुसाई से वो पिछले कितने दिनों से परेशान थी. अभी भी नींद का एक अंश मास्टर्स भी उसकी आँखों मई नहीं था …उसने फ़ोन निकल कर राज के नंबर पर डायल किया पर स्विच ऑफ आया और इस बात से उसका दिमाग और घूम गया उसे खुद नहीं पता था की ी लव ु मिस यू के कितने हे मैसेज वो भेज चुकी थी ….इसी फ़्रस्ट्रेशन मई ….उसने अपनी पुलिस की शर्ट को पंत से बहार निकल कर तंगी हुवी चमड़े की बेल्ट उठायी और बोली….. फील माय पैन ……फील थे pain…….aur…frustration पूरी डगप पर उतर दी ……और जब वो रुकी तोह डगप बेहोश हो चूका था …..सोनाली खुद पसीने मई नहायी हुवी thi….wo तौरतूरे रूम से बहार आयी तोह जो डूएटी पर अफसर मौजूद थे वो एक एक कौन की तरफ खिसक लिए ….पर एक थी जो आराम से बैठी सब देख रही थी …. उसे ये सब होने की पहले हे उम्मीद थी ….इसलिए उसने कुछ सोचा और बोली ……” आपको पता ह अपने दूसरी बार गलती कर दी ह ….
सोनाली-- गुसाई से उसे देखने लगी….
शिवानी —- यही तोह …….बस यही ……समाज नहीं अत ह आपका …….आपकी सो कॉल्ड होने वाली सासु माँ दिव्या जी ने कहा और अपने मान लिया
सोनाली — देख शिवानी मेरा मूड ख़राब ह …..फालतू बाते नहीं…
शिवानी— अरे यही तोह आपका समाज नहीं अत ह मुझे .apko…dur नहीं पास रहना चाहिए ह उसके …….याद रखना दूर जब वो दूर जायेगा तब आपको ये सब महसूस hoga……….pyar बिना रिश्ता नहीं ह …फिजिकली भी होना पड़ता h..kabhi kabhi…….sunil का फ़ोन छीनकर कॉल करती उसे और फिर जो चाहे वो करती लड़ना या पीटना …जो भी ..आपको तीख लगता पर न उसे तोह फ्री कर दिया ….
सोनाली ने एक लुक शिवानी को देखा जो बोलकर वापस आंख बंद कर सोफे पर लेत गयी thi…aur खुदने अपनी कफ जो बना ली थी उसे लेकर वापस टार्चर रूम मई सोचते हुवे चली आयी….. सोनाली ने डगप को 4 ऑवर तक तौरतूरे किया
वंही इन 4 हॉर्स मई निर्वाण की तरफ…
सिंघनिया बिल्डिंग के निचे वाले फ्लोर पर भी शामे ऐसा हे माहौल था निर्वाण सिर्फ पंत मई सोफे पर बैठा था और सामने बंधे यूनियन मिनिस्टर को देख रहा tha……uske सामने अलग अलग तौरतूरे इक्विपमेंट्स टेबल पर पड़े the……..wo उन्हें देखता हुवा किसी और सोच मई हे था उसके दिमाग मई एक हे बात घूम रही थी जो फाइट के वक़्त डेथ हेलो ने बोली thi…….”i क्नोव हु र you..definately ी विल के फॉर यू “ और यही बात बात उसके दिमाग मई हथोड़े की तरह बार बार गूंज रही थी उसे बखूभी समाज ारः था की कोई भी समझदार इंसान लिंक्स जल्दी हे ढूंढ लेगा और पुलिस की टाइट सिक्योरिटी के बाउजूद उसका घूमना और पुलिस का एक्शन न लेना …ये काफी था बताने के लिए की पुलिस मिली हुवी ह …….उसने काफी दिएर ये सोचा और फिर धीरे से बोलै…. यू don't क्नोव me….itna कहकर उसने एक हथोड़ा उठाया और अंदर जाकर खिंच कर एक पेअर के अंघूठे पर मार दिया और यूनियन मिनिस्टर गांड फाड़ जोर जोर से चिल्लाने लगा……
उसको दर्द से बिलबिल्लाते देख निर्वाण भी बोलै …. फील माय पैन …….फील थे पैन ….टिल यू अलाइव …… और जब 30 मिनट बाद उसका दर्द काम हुवा तब उसके अंगूठे पर एक और हथोड़ा मार दिया ……और फिर यूनियन मिनिस्टर की चीक गूंज uthi……..union मिनिस्टर चिकटे हुवे बोलै मुझे माफ़ कार्डो main…..tumhe बहुत paisa…….dddungaaaa Ahhhhhhhhhhhh प्लीज …मुझे छोड़ do……..phir एक ऑवर बाद निर्वाण उसके पास आकर बोलै …….ये झकम बहुत पूर्ण ह … जितनी तेरी रूह तड़पेगी उतना सुकून मुझे मिलेगा
यूनियन मिनिस्टर--- प्लीज मुझे छोड़ दो ….
निर्वाण — विथल कान्हा ह…
यूनियन मिनिस्टर —उसने मुझे अकेला छोड़ दिया था वो उस काळा कपडे वाले के साथ चला गया था ……मुझे बस इतना पता ह वो कोई किलर ह जो विक्टर के सात काम करता h….aur उसका नाम डेथ हेलो ह……..
तोह दूसरी तरफ डेथ हेलो भी बैठा हुवा यही सोच रहा था “ इंट्रेस्टिंग ….काफी महीनो बाद कोई मिला ह जिसमे दम दिखा ह …..तेरे साथ खेलने मई मज़ा ayega…….wait फॉर माय टर्न …..वेट फॉर माय टर्न..
आज के लिए इतना हे नेक्स्ट अपडेट 70 लाइक्स पे इसलिए मस्ती मई पढ़ने का और लाइक्स और रेवोएस पेलने का
फील थे पैन - part 2
डेथ हेलो वस निर्वाण
“ मुझे इस नाम से नफरत ह “
विथल —पैरो मई गिर कर माफ़ी मांगते हुवे डेथ हेलो माफ़ी…..
“ ये आखिरी बार ह…”
और वो इतना कहकर खिड़की की तरफ gaya….aur सीधे सामने की तरफ देखने लगा जंहा निर्वाण मौजूद था और उसी वक़्त निर्वाण ने भी उसे देखा दोनों के हे चेहरे पर मास्क था …. अगले हे पल डेथ हेलो सीधा दूसरी मंजिल से निचे कुढ़ कर जमीन पर लैंड हुवा और निर्वाण की तरफ देखने लगा….. कुछ पल बाद निर्वाण भी जम्प करके तीख डेथ हेलो के सामने आकर लैंड huva…Nirwana उसके और करीब आकर उसकी आँखों मई देखने लगा ……दोनों ने हे एक दूसरे से कुछ नहीं कहा ……क्योकि उनकी आंखे सब भैया कर रही thi……aur इन आँखों मई छिपा हुवा था न जाने कितनी हे लोगो की मौत का दर्द नाक अहसास जो सामने वाली की रूह को कंपकंपा ने के लिए बहुत था पर इससे दोनों को हे कोई फर्क नहीं पड़ा और दोनों एक दूसरे को देखते रहे …पर इस ख़ामोशी को तोड़ते हुवे दोनों मई से एक बोलै ….”उसकी मौत के बिच आज मैं खड़ा हु …
निर्वाण--- उसकी आँखों मई घूरकर और तेरी मौत बनकर तेरे आगे मैं खड़ा हु ……..
निर्वाण की बात सुनकर उसके चेहरे पर मुस्कान आगयी और उसने एक पंच सीधा निर्वाण के सीने पर जड़ diya….jisai निर्वाण पीछे की तरफ उड़ता हुवा दूर जेक गिरा …..निर्वाण के एक्सप्रेशन चेंज हो गए और वो मन मई हे सोचते हुवे bola“itna स्ट्रांग ….इसकी पावर तोह बहुत जायदा ह “ अभी वो इतना सोच हे रहा था की सामने से एक घुटना ऊपर से मू की और अत दिखाई दिया ..उसने बिना वक़्त गवांये तुरंत हे एक तरफ अपने आप को खिसका लिया और निचे एक हाथ का सहरा लेकर हवा मई उछाल कर एक किक मरी जिसे डेथ हेलो भी कई कदम पीछे हैट gaya….Death हेलो “नॉट बाद …..नॉट बाद….. “ बोलकर एक राइट किक निर्वाण के मू पर मरी जिसे निर्वाण ने अपने एल्बो से ब्लॉक करि पर किक मई प्रेशर इतना था की वो दो कदम साइड हैट gaya…par साइड हैट ते हुवे उसने भी फुर्ती से एक किक डेथ हेलो के कंधे पर जड़ दी ….दोनों एक दूसरे को फिर से घूरने लगे ….निर्वाण ने राइट पंच डेथ हेलो को मारा ….जो ब्लॉक हो गया फिर लेफ्ट पंच मारा वो भी ब्लॉक हो गया ….फिर तुरंत उसने एक घुटना जम्प के साथ चेस्ट पर मारा जिसे डेथ हेलो 5 फ़ीट दूर जा कर पीछे गिरा और तुरंत हे वो एक झटके से जम्प के साथ खड़ा हो गया ..और दुबारा एक जम्प लेके डुब्बले किक निर्वाण की चेस्ट पर जड़ दी जिसे निर्वाण कई कदम पीछे फिसल गया डेथ हेलो ने हाथ के इशारे से उसे अपनी तरफ फाइट के लिए आने का इशारा किया ….निर्वाण ने भी रनिंग डुब्बले किक मरी पर दत्त हेलो ने ैसिलय ब्लॉक कर्ली पर उसके पीछे खिसकने का फायदा उठा कर निर्वाण ने एक और पंच फुर्ती से उसकी चेस्ट पर मार diya…vithal जो ऊपर से सब देख रहा था उसने डेथ हेलो को निचे गिरता देखा तोह तुरंत एक के बाद एक 3 ग्रांडे निर्वाण की तरफ फेंक दिया ….जिसे बचने के लिए निर्वाण बचता हुवा पीछे की तरफ मूव होकर दूर चला गया…
दस मिनट बाद …..वंहा सब शांत हो गया निर्वाण भाग कर दूसरी मंजिल पर पंहुचा तोह उसे वंहा कोई नहीं मिला पर दूर उसे टॉर्च की लाइट के साथ 5 साये भागते हुवे नज़र ए ….वो तुरंत उनके पीछे भागकर कुछ मिनटों मसि पहुंच गया …….पर उसे उनमे विथल नहीं दिखा जिसे उसका गुसा और भड़क गया और इसी के चलते उसने 4 के गले उनके सर से अलग कर दिए और जब उसने सबसे आगे वाले पांचवे शख्स को देखा तोह उसके चेहरे पर क्रूर मुस्कान आगयी और पंचवे शख्स को भी पता लग गया था की उसका बचना अब मुमकिन नहीं ह …..वो एक जगह खड़ा होकर थार थार कंपनी लगा ….. निर्वाण ने करीब आकर उसके चेहरे पर एक मुक्का मारा जो उसके होश उड़ने के लिए काफी था फिर चीख कर बोलै विथल तू जंहा भी हो मैं तुजे ढूंढ निकलूंगा और तेरी मौत मेरे हाथ से होगी ..उनसे दूर विथल जो डेथ हेलो के साथ जा रहा था उसने ये आवाज सुनी तोह वो भी रूक gaya…..par बोलै कुछ नहीं पर उसके पास चल रहा शख्स बोलै” मन तुजे उसी वक़्त मरने का था जब तू हम दोनों के बिच आया पर तुजे आज बचने के लिए कहा गया ह…. तू उसे दूर रहना विथल और अब जो तुजे बोलू वो करना ह …..” इतना बोलकर वो विथल को समझने और बताने लगा और विथल सिर्फ है मई गर्दन हिलता रहा ….. डेथ हेलो “आज से तीख 60 दिन पबाद ये होगा तब तुजे एक मौका मिलेगा बदला लेने का….”
फिर दोनों वंहा से निकल कर एक दूसरे बेस पर पहुंच गए..
Piche…Nirwana यूनियन मिनिस्टर के बाल पकड़कर घसीट ता हुवा लेकर ारः था उसने एअर पीेछे को स्टार्ट कर के कुछ कहा ….और उसके 15 मिनट बाद हे कार आकर उसके पास रुकी …जिस साई उतरे चीफ …
चीफ--- सो एव्री ओने वांट्स डेविल एंड डेविल इस हेरे…..
निर्वाण--- इसे आप उन्हें दे सकते ह और कहना उनके सरे सवाल के जवाब इसके पास ह ….मैं चाहता था की उनकी माँ के सामने सब सचाई पता lage…par अब ये मुमकिन हे नहीं h…unki माँ को पुराणी बाटे याद नहीं ह…. मुझे जरुरी काम निपटने ह….
चीफ —- इसे मैं मई तुम्हारे बेस पर पंहुचा dunga..aur सोनाली वंही आकर मिल लेगी….
निर्वाण--- लॉ मिनिस्टर …
चीफ —- उसे मैं देख लूंगा….
वो अभी कुछ और कहते उसे पहले हे बाइक स्टार्ट होकर तेज़ी से निकल गयी….
चीफ--- ये लड़का भी अजीब मल्टीप्ल पर्सनालिटी ह एक ह जो सबको रेस्पेक्ट देता ह तोह दूसरा गुसैल जिसे जरा भी परवा नहीं ह किसी की भी ….ये तोह तीख ह की इसका कण्ट्रोल ह pura….nahi तोह ……fuuuuu…..ek गहरई साँस छोड़ने के बाद मंत्री को दिग्गी मई बंद करके वो निकल गए …..
तोह …..60 मिनट पहले……
आर्डर सुनील को डगप को मरने का मिला था पर सोनाली ने जोगिन्दर सिंह और शिवानी को भी जिद करके बुला लिया और ……जो गुसा उसे राज के न मिलने का था …..वो बेसक अब डगप पर उतरने वाला था क्योकि उसने हे तोह राज को मरने की पूरी नावे राखी थी…… और इसके लिए उसने पुरे पुलिस डिपार्टमेंट को कठपुतली की तरह इस्तेमाल किया tha….ye सोच कर वो और आगबबूला हो रही thi……isliye सुनील को भी दूर से देखने का कहा और वो अपनी भाभी से और थपड नहीं खाना चाहता था इसलिए दूर से हे सब देखता रहा …और जो डगप निर्वाण के साथ करना चाहता था ….उसे डुब्बले बुरा सोनाली उसके साथ करने वाली थी …..
सोनाली —- पुरे घर को मेरे तीन गिनने पर गोलियों से भून देना … कोई भी जिन्दा नहीं बचना चाहिए ह
सोनाली का आर्डर मिलते हे पूरी टीम घर को घेर कर कड़ी हो गयी और …..
1……..2……….3……..
के साथ सारा लोहा उस घर पर बरस गया अंदर वाले आदमियों को समाज हे नहीं आया …..की क्या हो रहा h….teen तरफ से एक साथ ुनगिनांत गोलिया उनपर बरस पड़ी
डगप ने गोलिया ख़त्म होने के बाद ऊपर आकर पुलिस को देखा तोह वो खुस हो गया पर उसे नहीं पता था की आज उसके साथ वो होने वाला ह जिसकी उसने सपनो मई भी उम्मीद नहीं की थी… पुलिस आगे बढ़ती रही और सरे आदमी मरते गए डगप एक कौन मई सेफ्टी के साथ स्टील टेबल के पीछे छिपा रहा और पुलिस के अंदर आने का वेट करता रहा …जम्मर लगे होने का कारन वो विथल को फ़ोन तक न कर पाए और जब पुलिस लास्ट मई डगप के पास पहुंची तब….
डगप — वेल दोने ैप सोनाली वेल दोनों तुम्हे अवार्ड और रिवॉर्ड जरूर milega…….tum वाकई बहादुर हो ……मैं खुद तुम्हारी sifarish……ka…rr…
सटक …….satak….satak…… तीन थपड एक के बाद एक उसके गाल पर पड़े ……..और फिर एक पीछे से सर पर पड़ी और उसके होश फाख्ता हो गए……..
1 ऑवर बाद…..
डगप नंगा लटका हुवा था ………
सोनाली —- पता ह तुजे तूने किसे मरने का आर्डर दिया tha……….mere दिल को ….तेरा मरना उसी वक़्त तय हो गया था जब तू लॉ मिनिस्टर का पालतू कुत्ता बांके आया था…..
डगप — तुम जानती हो मैं कौन हु …
सोनाली —- वास्ते ऑफ़ time….waste ऑफ़ money……..sidhi भासा मई पूरा कचरा ह तू
डगप —- तुममम……
सोनाली--- तू दुनिया की नज़र मई पहले हे किडनैप हो चूका ह तेरी लाश कभी पता नहीं लगेगी तू घुम्मन हे रह jayega….aur तू जिन्दा क्यों ह अभी तक तुजे मैं बताती hu.Third डिग्री के आगे एक फोर्थ डिग्री ह आज तुजे दिखानी ह………
फिर सोनाली ने यूनिक चीज निकली …. और बोली इसे पता क्या कहते ह इसे लेमन जूस निचोड़ने की हैंडमेड मशीन बोलते ह हर घर मई मिलती हपर तेरे लिए स्पेशल मांसाहारी चूहा मंगवाया ह और ये तेरा मऊ नहीं तेरी गोलियों तेरी नलकी को खायेगा ये कहकर सोनाली ने बैग को उसकी कमर पर बांध दिया और डगप की नाली को हे उमै रखा ……फिर भूखे चूहे ने ताज़ा मॉस की गंध पाते हे उसकी नलकी को कुतरना सुरु कर दिया ……डगप को हर सेकंड एक सुई सी चुबती हुवी टैंगो के बिच महसूस हुवी जैसे सुई निकली और फिर चूब दी और इस दर्द से वो बेइंतिहा जोर लगा कर चीकने लगा …..पर उस कमरे मई कोई नहीं था सुनने वाला क्योकि …वो स्पेशल पुलिस का सीक्रेट तौरतूरे रूम था और एक बात अभी तक सोनाली को नहीं पता थी की ….इस सरे तौरतूरे का लाइव यूनियन मिनिस्टर भी देख रहा था उसके सामने टीवी पर ये लाइव चल रहा था ……उसका मू खुला और दर से गांड फटी हुवी thi……par वो बोलता किसी क्योकि उस रूम मई उसके अलावा कोई नहीं tha…..par हर आती चीक उसे उसका फ्यूचर बता रही थी…. उसने गर्दन मोड़कर इधर उधर देखा की कोई तोह दिखे जिसे बात की जाये पर उसे कोई नहीं दिखा ….दिखा तोह सिर्फ डगप का तौरतूरे…..
तोह डगप की तरफ..
डगप-- बस करो बस करो …….छोड़ दो मुझे आअह्ह्ह्ह …हेलपपपपपपप …..चिल्ला रहा था ……और उसके सामने बैठी सोनाली कॉफ़ी पि रही थी और उसकी आंखे गुसाई से लाल हो राखी थी पिछले 7 दिनों से नींद की तीख से झपकी तक नहीं ली थी उसने टेंशन गुसाई से वो पिछले कितने दिनों से परेशान थी. अभी भी नींद का एक अंश मास्टर्स भी उसकी आँखों मई नहीं था …उसने फ़ोन निकल कर राज के नंबर पर डायल किया पर स्विच ऑफ आया और इस बात से उसका दिमाग और घूम गया उसे खुद नहीं पता था की ी लव ु मिस यू के कितने हे मैसेज वो भेज चुकी थी ….इसी फ़्रस्ट्रेशन मई ….उसने अपनी पुलिस की शर्ट को पंत से बहार निकल कर तंगी हुवी चमड़े की बेल्ट उठायी और बोली….. फील माय पैन ……फील थे pain…….aur…frustration पूरी डगप पर उतर दी ……और जब वो रुकी तोह डगप बेहोश हो चूका था …..सोनाली खुद पसीने मई नहायी हुवी thi….wo तौरतूरे रूम से बहार आयी तोह जो डूएटी पर अफसर मौजूद थे वो एक एक कौन की तरफ खिसक लिए ….पर एक थी जो आराम से बैठी सब देख रही थी …. उसे ये सब होने की पहले हे उम्मीद थी ….इसलिए उसने कुछ सोचा और बोली ……” आपको पता ह अपने दूसरी बार गलती कर दी ह ….
सोनाली-- गुसाई से उसे देखने लगी….
शिवानी —- यही तोह …….बस यही ……समाज नहीं अत ह आपका …….आपकी सो कॉल्ड होने वाली सासु माँ दिव्या जी ने कहा और अपने मान लिया
सोनाली — देख शिवानी मेरा मूड ख़राब ह …..फालतू बाते नहीं…
शिवानी— अरे यही तोह आपका समाज नहीं अत ह मुझे .apko…dur नहीं पास रहना चाहिए ह उसके …….याद रखना दूर जब वो दूर जायेगा तब आपको ये सब महसूस hoga……….pyar बिना रिश्ता नहीं ह …फिजिकली भी होना पड़ता h..kabhi kabhi…….sunil का फ़ोन छीनकर कॉल करती उसे और फिर जो चाहे वो करती लड़ना या पीटना …जो भी ..आपको तीख लगता पर न उसे तोह फ्री कर दिया ….
सोनाली ने एक लुक शिवानी को देखा जो बोलकर वापस आंख बंद कर सोफे पर लेत गयी thi…aur खुदने अपनी कफ जो बना ली थी उसे लेकर वापस टार्चर रूम मई सोचते हुवे चली आयी….. सोनाली ने डगप को 4 ऑवर तक तौरतूरे किया
वंही इन 4 हॉर्स मई निर्वाण की तरफ…
सिंघनिया बिल्डिंग के निचे वाले फ्लोर पर भी शामे ऐसा हे माहौल था निर्वाण सिर्फ पंत मई सोफे पर बैठा था और सामने बंधे यूनियन मिनिस्टर को देख रहा tha……uske सामने अलग अलग तौरतूरे इक्विपमेंट्स टेबल पर पड़े the……..wo उन्हें देखता हुवा किसी और सोच मई हे था उसके दिमाग मई एक हे बात घूम रही थी जो फाइट के वक़्त डेथ हेलो ने बोली thi…….”i क्नोव हु र you..definately ी विल के फॉर यू “ और यही बात बात उसके दिमाग मई हथोड़े की तरह बार बार गूंज रही थी उसे बखूभी समाज ारः था की कोई भी समझदार इंसान लिंक्स जल्दी हे ढूंढ लेगा और पुलिस की टाइट सिक्योरिटी के बाउजूद उसका घूमना और पुलिस का एक्शन न लेना …ये काफी था बताने के लिए की पुलिस मिली हुवी ह …….उसने काफी दिएर ये सोचा और फिर धीरे से बोलै…. यू don't क्नोव me….itna कहकर उसने एक हथोड़ा उठाया और अंदर जाकर खिंच कर एक पेअर के अंघूठे पर मार दिया और यूनियन मिनिस्टर गांड फाड़ जोर जोर से चिल्लाने लगा……
उसको दर्द से बिलबिल्लाते देख निर्वाण भी बोलै …. फील माय पैन …….फील थे पैन ….टिल यू अलाइव …… और जब 30 मिनट बाद उसका दर्द काम हुवा तब उसके अंगूठे पर एक और हथोड़ा मार दिया ……और फिर यूनियन मिनिस्टर की चीक गूंज uthi……..union मिनिस्टर चिकटे हुवे बोलै मुझे माफ़ कार्डो main…..tumhe बहुत paisa…….dddungaaaa Ahhhhhhhhhhhh प्लीज …मुझे छोड़ do……..phir एक ऑवर बाद निर्वाण उसके पास आकर बोलै …….ये झकम बहुत पूर्ण ह … जितनी तेरी रूह तड़पेगी उतना सुकून मुझे मिलेगा
यूनियन मिनिस्टर--- प्लीज मुझे छोड़ दो ….
निर्वाण — विथल कान्हा ह…
यूनियन मिनिस्टर —उसने मुझे अकेला छोड़ दिया था वो उस काळा कपडे वाले के साथ चला गया था ……मुझे बस इतना पता ह वो कोई किलर ह जो विक्टर के सात काम करता h….aur उसका नाम डेथ हेलो ह……..
तोह दूसरी तरफ डेथ हेलो भी बैठा हुवा यही सोच रहा था “ इंट्रेस्टिंग ….काफी महीनो बाद कोई मिला ह जिसमे दम दिखा ह …..तेरे साथ खेलने मई मज़ा ayega…….wait फॉर माय टर्न …..वेट फॉर माय टर्न..
आज के लिए इतना हे नेक्स्ट अपडेट 70 लाइक्स पे इसलिए मस्ती मई पढ़ने का और लाइक्स और रेवोएस पेलने का