Incest मजबूरी या जरूरत - Page 15 - SexBaba
  • From this section you can read all the hindi sex stories in hindi font. These are collected from the various sources which make your cock rock hard in the night. All are having the collections of like maa beta, devar bhabhi, indian aunty, college girl. All these are the amazing chudai stories for you guys in these forum.

    If You are unable to access the site then try to access the site via VPN Try these are vpn App Click Here

Incest मजबूरी या जरूरत

1695554102-picsay.jpg
 
(लगातार उसके मुंह से इस तरह की आवाज़ आ रही थी वह मस्त हो रही थी वह कसमस आ रही थी और संजू देखते ही देखते बारी-बारी से उसकी दोनों चूचियों को मुंह में लेकर पीना शुरू कर दिया था,,,, लल्ली कोई सा प्रतीत हो रहा था कि जैसे संजू उसकी चूची को दशहरी आम समझकर मुंह में लेकर चूस रहा था मर्दों के द्वारा इस तरह की हरकत से औरतों को इतना अदभुत सुख प्राप्त होता है इस बारे में उसने कभी कल्पना भी नहीं की थी नहीं किसी के मुंह से सुनी थी लेकिन आज पहली बार में ही इस अनुभव से वह पूरी तरह से गदगद हुए जा रही थी उसके बदन में उत्तेजना अपना असर दिख रही थी,,,, संजू की तो जैसे लॉटरी लग गई थी वह कुछ देर तक किसी तरह से उसकी चुचियों का रसपान करता रहा वह उसकी गोरी गोरी चूचियों को उत्तेजित करते हुए उसे टमाटर की तरह लाल कर दिया था और इस बात का एहसास लल्ली को भी हो रहा था की उत्तेजना के चलते उसकी चुचियों का आकार कुछ बढ़ सा गया था,,,,।

संजू की हथेलियां का और उसकी हरकत का जादू लल्ली के ऊपर पूरी तरह से छाने लगा था जो कि उसके चेहरे से साफ पता चल रहा था,,, बाहर अभी भी चोरों की बारिश हो रही थी लेकिन संजू को इस बात का एहसास था कि जितनी तेज शुरुआत हुई थी उससे थोड़ा कम बारिश हो रही थी तो उसे इस बात का डर भी था कहीं बारिश बंद ना हो जाए और लोगों का आवागमन फिर से होना शुरू हो जाए इसलिए वह इस खेल को जल्द से जल्द समेट लेना चाहता था लेकिन इससे पहले वह अपना पूरा जादू दिखा देना चाहता था वह इस समय लल्ली के लिए जादूगर ही था,,,,

बारिश में भीगी हुयी लल्ली

GIF-230918-155211.gif


चूचियों से जी भर कर प्यार करने के बाद उसे निपटा लेने के बाद वह धीरे से अपने घुटनों के पास बैठकर और उसकी कमर को दोनों हाथों से पकड़ कर उसकी जवानी की गर्मी का एहसास अपने अंदर भरने लगा एक कुंवारी लड़की की कमर पकड़ने में भी जो मजा है वह इस समय संजू ही समझ सकता था और उसकी यह हरकत से जो अद्भुत असर लल्ली के चेहरे पर नजर आ रहा था वह देखने लायक था,,,,

मेरी रानी अब तुम्हें इतना मजा आएगा कि पूछो मत तुम जिंदगी भर याद रखोगी लेकिन फिर भी मैं तुमसे पूछना चाहता हूं कि क्या मैं आगे बढूं या रहने दूं,,,।

(संजू जानबूझकर उसे यह सवाल पूछ रहा था जबकि वह अच्छी तरह से समझ रहा था कि उसका चेहरा ही बता रहा था कि वह इस खेल में आगे बढ़ना चाहती है लेकिन वह उसके मुंह से सुनना चाहता था लेकिन वह शर्म के मारे पानी पानी हो जा रही थी संजू के सवाल का जवाब उसके पास बिल्कुल भी नहीं था वह अपने होठों से जवाब न देकर बाहर शर्मा कर और हल्के से मुस्कुरा कर अपनी नजरों को एक बार फिर से नीचे झुका ली और संजू के लिए उसका इशारा ही काफी था वह मुस्कुराते हुए धीरे से अपने हाथों की उंगलियों को हरकत देता हुआ उसकी सलवार की डोरी के पास लेकर और उसकी डोरी को पकड़ कर उसकी तरफ देखते हुए खींचने लगा,,, लल्ली का दिल जोरो से धड़क रहा था वह जानती थी कि संजू एक झटके में उसकी सलवार की डोरी खींचकर उसे नंगी कर देगा और वह पहली बार किसी गैर मर्द के हाथों से नंगी होने जा रही थी,,, इस एहसास से ही वह मदहोश हुए जा रही थी,,, गहरी गहरी सांस लेने के कारण उसकी छोटी-छोटी चूचियां भी ऊपर नीचे हो रही थी जो की देखने लायक थी संजू बिल्कुल ‌ भी डर ना करते हुए एक झटके से उसकी सलवार की डोरी खींच दिया और उसकी सलवार कमर से ढीली हो गई लेकिन गीली होने के कारण वह अभी भी उसकी कमर से चिपकी हुई थी जिसे संजू अपने हाथों से पकड़ कर धीरे-धीरे उसे उतारना शुरू कर दिया और वह अपनी सलवार उतरवाने में संजू की मदद करने लगी अगले ही पल संजू उसकी सलवार को उसके पैरों में से निकाल कर एक तरफ रख दिया और वह इस समय संजू की आंखों के सामने केवल एक छोटी सी पेंटिं में खड़ी थी और वह भी लाल रंग की,,,,।

संजू लल्ली क साथ मजा लेता हुआ

GIF-230909-162615.gif


वैसे भी संजू कई औरतों को लाल रंग की ब्रा और पेटी में देख चुका था यहां तक की अपनी बहन और अपनी मां को की इसलिए ऐसा लगने लगा था की औरतों के बदन पर उसका सबसे पसंदीदा कलर लाल रंग था,,,, संजू की आंखों में लल्ली की जवानी की प्यास एकदम साफ नजर आ रही थी,, वह अपनी हथेली को पेटी के ऊपर से ही उसकी चूत वाले भाग पर रखकर एकदम से गर्म होते हुए खुद उसके मुंह से गर्म शिसकारी फूट पड़ी,,,।

सहहहह बहुत गर्म चुत है रानी,,,,।

(संजू के मुंह से इतना सुनकर वह मदहोश होने लगी और संजू बिना देरी कीए अपने दोनों हाथों की उंगलियों को उसकी पेंटिं में फंसा कर उसे उतारना शुरू कर दिया,,,, अपनी पेंटी के उतरने के एहसास में वह कसमसाने लगी,,, उसके बदन में सिहरन सी दौड़ने लगी,,, और देखते ही देखते संजू उसकी पेंटिं उतार कर उसे पूरी तरह से नंगी कर दिया,,,,, शर्म के मारे लाली अपने हाथ की हथेली से अपनी चूत को ढकने की कोशिश करने लगी लेकिन संजू अपना हाथ से उसका हाथ पकड़ कर उसकी चूत से हटाने लगा,,, अपनी हथेली हटा लेने के बावजूद वह अपनी दोनों जांघों को आपस में सटाकर अपनी चूत की पतली दरार को छुपाने की भरपूर कोशिश करने लगी लेकिन अब उसकी जवानी कहां छुपने वाली थी,,,, संजू अपने दोनों हाथों को उसकी दोनों जांघों पर रखकर उसे हल्कै से खोलना शुरू कर दिया और,, संजू नजर भरकर उसकी खूबसूरत चुत को देखने लगा,,, वैसे तो संजू ने अभी तक कहीं चुतो के दर्शन कर चुका था उन्हें भोग भी चुका था,,, और उनमें अधिकतर घरेलू चुते ही थी,,,, लेकिन लल्ली की चूत की बात कुछ और थी क्योंकि कल इसका विवाह होने वाला था और इसकी छूट किसी और की होने वाली थी और उसके पहले उसे चुत का भोग लगाना बहुत ही किस्मत की बात थी इसीलिए संजू बहुत खुश था अपनी किस्मत पर,,,

संजू और लल्ली

GIF-230909-162854.gif




उत्तेजना के मारे उसकी चूत कचोरी की तरह फूल गई थी,,, संजू इस बात को अच्छी तरह से जानता था कि उसकी चूत अनछुई थी सीपी से निकली हुई शुद्ध मोती,,,, संजू नजर भरकर लाली की चूत को देख रहा था जिस पर हल्की-हल्के बाल थे एकदम मुलायम ,,, जिसे देख कर संजू की उत्तेजना और ज्यादा बढ़ने लगी थी संजू से बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं हो रहा था और वह बिना रुके अपने होठों को तुरंत उसकी दोनों टांगों के बीच उसकी चूत पर लगा दिया,,, लल्ली को संजू से इस बात की उम्मीद बिल्कुल भी नहीं थी वह एकदम से चौंक गई उसे यकीन नहीं हो रहा था कि संजू उसकी चूत पर अपने होंठ लगाया हुआ है वह पागल हुई जा रही थी,,,, एक तरफ उत्तेजना से वह पूरी तरह से भर चुकी थी तो दूसरी तरफ संजू की हरकत से वह शर्म से मेरी जा रही थी उसे शर्म महसूस हो रही थी कि कोई मर्द भला छूट पर अपना मुंह कैसे लगता है क्योंकि उसे इस बारे में पता ही नहीं था लेकिन संजू पागलों की तरह उसकी चूत पर अपनी होठ लगाकर उसकी खुशबू को अपनी नाक से अपने अंदर खींच रहा था,,,,। चूत की मादक खुशबू उसके बदन में मदहोशी भर रही थी,,,,,। लल्ली का दिल गवाही नहीं दे रहा था संजू को इस तरह का कार्य कराने के लिए,,, लेकिन वह कुछ कर पाती कुछ सोच पाती है उसे रोक पाती ईससे पहले ही संजू पूरी तरह से उसके ऊपर छा गया,,,, वह उसकी गुलाबी छेद में धीरे-धीरे अपनी जीभ डालना शुरू कर दिया था और उसकी मलाई को चाटना शुरू कर दिया था एक औरत के लिए यह क्रिया इतनी अद्भुत और संवेदनशील होती है कि वह पूरी तरह से अपने वजूद को होकर उसे पल में खो जाती है और यही लल्ली के साथ भी हो रहा था वह पागल हुए जा रही थी,,, उसकी मदहोश जवानी पानी पानी हो रही थी,,,।

संजू और लल्ली

GIF-230909-162131.gif


बाहर तेज पानी बरस रहा था और खंडहर के अंदर लल्ली की जवानी बरस रही थी जिसमें संजू पूरी तरह से भीग रहा था,,,। बाहर अभी भी बारिश पड़ रही थी संजू पूरी तरह से लल्ली की चूत चाटने में मशगुल हो गया था,,, चूत से उठ रही माता खुशबू उसे प्रोत्साहित कर रही थी पागलों की तरह उसे चाटने के लिए और वैसे भी कुछ देर पहले वह पैसाब करी थी इसलिए उसकी खुशबू और भी ज्यादा मादकता भरी हो गई थी,,,,।

सहहहह आहहहहहह ऊमममममम संजु ,,,,आहहहहहहह इस तरह की मादक शिसकारी की आवाज निकालते हुए उसका बदन हिचकोले खा रहा था,,, कुछ ही पल में वह पूरी तरह से उत्तेजित हो गई यहां तक कि वह खुद अपना पैर उठाकर उसके कंधे पर रख दी और उसके सर पर अपने दोनों हाथों को रखकर अपनी चूत पर दबाना शुरू कर दी संजू इसी मौके की तलाश में था वह समझ गया था कि वह पूरी तरह से चुदासी हो चुकी,,, है,,,। संजू मौका देखकर धीरे से अपनी एक उंगली को उसकी चूत में प्रवेश करना शुरू कर दिया और देखते ही देखते उसकी एक उंगली चूत में बड़ी आराम से प्रवेश कर गई और इसका आनंद वह बड़े आराम से और उन मादक स्थिति में ले रही थी,,, उसके मुंह से बड़ी तेज तेज सिसकारी की आवाज निकल रही थी लेकिन तूफानी बारिश में उसकी शिकारी की आवाज सुनने वाला केवल वहां संजू ही था,,,,

संजू क खूंटे को देखकर लल्ली दांग रह गयी

GIF-230622-160654.gif


देखते ही देखते संजू धीरे से अपनी दूसरी उंगली भी उसकी चूत में प्रवेश करने लगा लेकिन इस बार उसे थोड़ा सा दर्द महसूस हुआ और वह अपनी गांड को पीछे की तरफ खींच ली लेकिन संजू बहुत सतर्क था वह उसके दोनों गांड की फागन को पकड़ कर वापस अपनी तरफ खींचा और वापस अपनी दूसरी उंगली को भी एक साथ उसकी चूत में डालना शुरू कर दिया लेकिन इस बार वह पूरी तरह से मदहोश हो चुकी थी धीरे-धीरे संजू अपनी उंगली को गोल-गोल घूमाता हुआ उसकी चूत के अंदर प्रवेश करना शुरू कर दिया धीरे-धीरे वह अपनी उंगली को एक साथ दोनों उंगलियों को अंदर बाहर करके अपने लंड के लिए जगह बनाने लगा,,

वह कभी अपनी चूत में उंगली को प्रवेश भी नहीं कराई थी और यहां संजू अपनी दो उंगली को एक साथ डालकर उसकी चुदाई करना शुरू कर दिया था यही लाली के लिए बहुत बड़ी बात थी वह मस्त हुए जा रही थी चुदाई का आनंद उसे प्राप्त हो रहा था,,, और देखते ही देखते वह हल्की सी चीख के साथ झड़ना शुरू हो गई और संजू उसकी चूत से निकलने वाले मदन रस को अमृत की धार समझ कर अपने मुंह में लेकर पीना शुरू कर दिया,,,,

लल्ली की छूट का स्वाद लेता संजू

GIF-230622-160654.gif


दोनों पूरी तरह से जवानी के जोश से भर चुके थे संजू समझ चुका था कि अब लोहा गरम हो चुका है थोड़ा करने की देरी है वह तुरंत खड़ा हुआ और अपनी कमी सुधार कर एक तरफ रख दिया और फिर अपनी पेंट उतारना शुरू कर दिया जितना जल्दी संजू कोठा नंगा होने में उसे कहीं ज्यादा उत्सुक और उत्साहित लाक्षल्ली थी संजू को नग्न अवस्था में देखने के लिए खास करके उसके लंड को वह देखना चाहती थी,,,, और पलक झपकते ही संजू अपने सारे कपड़े उतार कर नंगा हो जाए लल्ली की आंखों के सामने वह पूरी तरह से नंगा खड़ा था,,, कुछ देर पहले वह शर्मा रही थी लेकिन संजू की हरकत की वजह से उसके बदन में से उसके अंदर से शर्म धीरे-धीरे दूर हो रही थी इसलिए वह तिरछी नजरों से संजु के लंड को देख रही थी और उसके लंड को देखकर उसकी चूत फुदकना शुरू कर दी थी,,,, संजू इसी मौके का फायदा उठाते हुए लल्ली का हाथ पड़कर वह अपने लंड पर रख दिया,,,, और जैसे ही उसके हाथ में गरमा गरम मोटा तगड़ा लंड आया उसके बदन में गर्मी सी छाने लगी वह पूरी तरह से मदहोश हो गई उसके बदन में सुरसुरी से दौड़ने लगी ,,,, संजू उसकी हथेली पर अपना हाथ रखकर उसकी हथेली को अपनी मुट्ठी में भर लिया और उसे अपने लंड पर आगे पीछे करके मुठीयाना शुरू कर दिया,,,, और बोला,,,।

कैसा लग रहा है मेरी रानी,,,

संजू को मस्त करती हुयी लल्ली

GIF-230828-154635.gif


बहुत अच्छा लग रहा है संजू,,,,,(अपनी आंखों को बंद किए हुए मदहोशी भरे स्वर में वह बोली)

मैं बोला था ना तुम्हें बहुत अच्छा लगेगा अगर यही क्रिया तुम्हारा पति बिना तुमको उत्तेजित किए करता तो तुम्हें दर्द होता तुम्हें बिल्कुल भी मजा नहीं आता,,, इससे भी ज्यादा मजा आएगा जब तुम इसे मुंह में लेकर चुसोगी,,,,।

(इतना सुनते ही वह अपनी आंखों को खोल दे और संजू की तरफ आश्चर्य से देखते हुए बोली,,)

क्या,,, ऐसा भला किया जाता है क्या,,,?

तो क्या जैसे मैं तुम्हारी चूत को मुंह में लेकर चूसा जाता उसी तरह से औरत भी मर्द के लंड को मुंह में लेकर उसे खेलती है मर्द को मजा देती है और खुद भी मजा देती है इसके बाद वह लंड को अपनी चूत में देकर मस्त हो जाती है,,,,

संजू और लल्ली

GIF-230828-155259.gif


(संजू की बात सुनने के बावजूद भी उसकी आंखों में ढेर सारे सवाल थे संजू अच्छी तरह से जानता था की पहली बार में कोई भी लड़की इस तरह की हरकत करने से कतराती हैं,,,, इसलिए संजू बिना कुछ बोले अपने दोनों हाथों को उसके कंधे पर रखकर उसे पर दबाव बनाते हो उसे नीचे की तरफ झुकने लगा और देखते ही देखते एक अजीब सी आकर्षण के चलते वह धीरे-धीरे नीचे की तरफ झुकती चली गई और जैसे ही उसका चेहरा संजू के लंड के करीब आया संजू,,,, उसके सर पर अपने दोनों हाथ को रखकर उसे अपने लंड की तरफ खींचने लगा,,, लल्ली उत्तेजना से भरी हुई,,, कुछ देर पहले संजू ने अपनी हरकत से उसे पूरी तरह से पानी पानी कर दिया था और उसका पानी भी झाड़ दिया था और इसीलिए उस पल की खुमारी अभी तक उसके बदन में मदहोशी का असर दिखा रही थी,,,, और देखते ही देखते संजू अपने लंड को उसके होठों से लगा दिया,,, जैसे ही गरम गरम सुपाड़े का स्पर्श उसे अपने होठों पर महसूस हुआ वह एकदम से मदहोश हो गई,,, और तुरंत अपने लाल लाल होठों को खोल दी,,,, संजू एकदम से खुश हो गया और अपनी कमर को आगे की तरफ ठेलते हुए अपने आधे लंड को उसके मुंह मैं डाल दिया ,,,,, और जिस तरह से संजू उसकी चूत पर अपने होंठ और जीभ फिरा रहा था ठीक उसी तरह का करतब लल्ली संजू के लंड पर दिखा रही थी संजू बावला हुआ जा रहा था,,,,,,।

संजू

GIF-230909-162243.gif


संजू कभी सोचा नहीं था कि लल्ली इतनी जल्दी अपने मुंह में लंड लेने के लिए मान जाएगी बल्कि उसके सोच के मुताबिक वह जल्दी मान गई थी आखिर मानती क्यों नहीं संजू ने जो अपनी जीभ का करतब उसकी कचोरी जैसी खुली हुई चूत पर दिखाया था उससे वह पूरी तरह से बावली हो गई थी,,, वह अपने आप में बिल्कुल भी नहीं थी इसीलिए तो बहुत जल्द मान गई थी शुरू-शुरू में उसका स्वाद उसे बड़ा अजीब सा लग रहा था लेकिन बदन में जिस तरह का नशा छाया हुआ था थोड़ी ही देर में उसे मजा आने लगा,,,,

संजू और लल्ली

GIF-230828-164146.gif


आसमान में बादलों की गडगडाहट जारी था,,, बारिश का जोर थोड़ा कम हुआ था लेकिन बारिश रुकी नहीं थी हवा तेज थी इसलिए रह रहे कर खंडहर में तूफानी हवा फैल जाती थी जिससे दोनों के बदन में कुछ पल के लिए ठंडक महसूस होने लगती थी लेकिन दोनों की जवानी की गर्मी इतनी जबरदस्ती थी कि दोनों को मौसम की ठंडी बिल्कुल भी असर नहीं कर रही थी खंडहर के अंदर दोनों बिल्कुल नग्न अवस्था में थे संजू खड़ा था और वह घुटनों के बल बैठकर उसके मोटे तगड़े लंड को अपने मुंह में अंदर बाहर कर रही थी,,, और उसका जोश बढ़ाते हुए बीच-बीच में संजू बोल रहा था,,,।

सहहहह आहहहहहह बहुत अच्छा मुझे तो यकीन ही नहीं हो रहा है कि तुम इतने अच्छे से कर लोगी सच में तुम अब चुदवाने लायक एकदम तैयार हो गई हो,, मुझे पूरा यकीन है कि तुम अब अपने पति पर हावी हो जाओगी तुम्हारी गर्म जवानी का नशा तुम्हारे पति से झेला नहीं जाएगा,,,आहहहहह (अपनी आंखों को बंद किए हुए और अपनी कमर को होले-होले से आगे पीछे करते हुए) बहुत मजा आ रहा है मेरी रानी मैं कभी सोचा नहीं था कि तुम सफलतापूर्वक यह कार्य कर लोगी जिस औरत ने या जिस लड़की ने यह कार्य कर लिया तो समझ लो आदमी उसका गुलाम बन जाता है वह जिंदगी भर आदमी को अपना गुलाम बना कर रखती हैं जैसा कि अब मैं तुम्हारा गुलाम हो गया हुं,,,,(संजू दोनों हाथों से उसका सर पकड़ कर अपनी कमर हिलाते हुए मदहोशी भरे स्वर में बोल रहा था उसे स्वर्ग का आनंद प्राप्त हो रहा था वह बहुत मजे ले रहा था,,, और लल्ली कुछ भी बोल नहीं रही थी बस हल्की-हल्की आवाज अपने मुंह में से निकल रही थी वह धीरे-धीरे करके संजू के लंड को अपने गले तक उतार लेती थी,,,, कुछ देर तक वह दोनों इसी तरह से मजा लेते रहे तकरीबन 1 घंटे से ज्यादा का समय गुजर गया था दोनों को खंडहर में,,,,,,, लेकिन अब समय आ गया था असली खेल खेलने का जिसके लिए वह अपने मामा की लड़की को पूरी तरह से तैयार कर चुका था,,,,,

GIF-230828-161614.gif


संजू ने धीरे से अपने लंड को अपने मामा की लड़की के मुंह में से बाहर निकाला,,,, मुंह में से लंड को बाहर निकलते ही,,, लल्ली गहरी गहरी सांस लेने लगी वह संजू की तरफ देख रही थी उसके मोटे तगड़े लंड की तरफ देख रही थी जो कि उसके थूक और लार से सना हुआ था,,,, लगभग लगभग उसके अंदर की शर्म खत्म हो चुकी थी वह खंडहर में पूरी तरह से नंगी थी जिसके बारे में वह कभी सोच भी नहीं सकती थी और नहीं कभी कल्पना की थी,,, लेकिन इस बात का एहसास उसे अच्छी तरह से हो रहा था कि बेशर्म बनने में कितना मजा आता है वरना वह कभी अपने घर की औरतों के सामने भी कपड़े तक बदलने में शर्म आती थी और आलम यह था कि इस खंडहर में मदहोश होकर वह एक जवान लड़के के सामने अपने सारे कपड़े उतार कर नंगी हो गई थी और वह भी चुदवाने के लिए,,,,।

लल्ली

GIF-230828-161437.gif


संजू उसका दोनों हाथ पकड़ कर उसे कड़ी किया और एक बार फिर से उसे गले लगा कर उसके लाल-लाल होठों का रसपान करने लगा दोनों के बदन पर कपड़े का रेशा तक नहीं था दोनों नंगे थे इसलिए नंगा बदन आपस में मिलते ही दोनों के बदन में एक बार फिर से जोश बढ़ गया लल्ली की छातिया,,,संजु की चौडी छाती से रगड़ खा रही थी जिसे दोनों के बदन में और भी ज्यादा गर्मी पैदा हो रही थी दोनों पूरी तरह से मतमस्त हो चुके थे जिस तरह से संजू ने उसे अपनी बाहों में भरा था उससे उसका लंड सीधे उसकी चूत पर दस्तक दे रहा था और एक नंगा लंड नंगी चूत पर दस्तक देते ही लल्ली के तन बदन में उत्तेजना की चिंगारियां फूटने लगी,,, वह कसमस आने लगी और तो और वह अपनी कमर के नीचे वाले भागों को और ज्यादा संजू के बदन से सटाने लगी,,,, संजू को खुद को उसकी चूत की गर्मी बर्दाश्त नहीं हो रही थी,,,। अब वह पूरी तैयारी कर चुका था अपने मां की लड़की की चुदाई करने के लिए और मौका और दस्तूर भी यही कहता था मौसम भी पूरी तरह से बना हुआ था तेज बरसाती बारिश में आखिरकार मर्द और औरत दोनों की इच्छा संभोग करने की ही होती है और इस समय दोनों के दिलों दिमाग पर चुदाई का भूत छाया हुआ था इसलिए संजू उसके होठों पर चुंबन करते हुए उसे दीवार की तरफ घुमा दिया और उसे झुकने के लिए बोला,, लंड के लिए ललाईत हो चुकी लल्ली के पास उसकी बात मानने के सिवा और कोई रास्ता नहीं था और वह खुद इस खेल के लिए उत्सुक थी,,,,।

संजू की बात मानते हुए लल्ली दीवाल का सहारा लेकर थोड़ा सा झुकने लगी लेकिन उसे इस बात का ज्ञान नहीं था कि मर्द के सामने कितना झुक जाता है इसलिए वह थोड़ा सा झुकी थी,,, इसलिए संजू खुद उसकी मदद करते हुए अपनी हथेली उसकी पीठ पर रखकर उसे झुकने लगा और वह हथेली के दबाव में झुकती चली गई और जब संजू को सब कुछ सहज लगने लगा तो अपनी हथेली वहां से हटा लिया और उसकी कमर में अपने दोनों हाथ डालकर उसकी गोल गोल गांड को ऊपर की तरफ उठाने लगा मानो के जैसे दुश्मन को दागने के लिए तोप तैयार कर रहा हो और वह खुद तोपची बन गया था,,,, संजू के लंड के सामने लल्ली की गोरी गोरी चिकनी गांड थी,,, जिसे देख कर संजू का लंड लोहे के रोड की तरह एकदम कड़क हो गया था,,,, संजू का सपना सच होने जा रहा था वह गांव में आते ही घर की सभी औरतों को चोदने का ख्वाब देख रहा था और धीरे-धीरे करके सब की चुदाई कर भी चुका था बस लाली रह गई थी और आज इसका भी उद्घाटन उसके ही लंड से होने वाला था,,,।

लल्ली को गॉड में उठाते हुए

GIF-230828-164222.gif


तैयार होना जान,,,, क्योंकि अब मैं तुम्हारी चूत में लंड डालने वाला हूं तुम्हें इतना मजा आएगा कि पूछो मत,,,,।

(इस पर वह नजर उठाकर संजू की तरफ एक पल के लिए अच्छी और सर में से अपनी नजरों को नीचे झुका ली जो कि उसकी तरफ से इशारा था आगे बढ़ने का वह शब्दों से कुछ बोल नहीं पा रही थी इसलिए आंख के इशारों से ही अपने मन की स्थिति को बताना चाह रही थी और संजू भी उसकी मां की स्थिति को समझ गया था इसलिए प्रसन्नता के साथ वह अपने हाथ में अपने लंड को ले लिया और मुट्ठीआता हुआ आगे बढ़ा,,,, और दोनों हाथों से उसकी गांड को पड़कर उसे हल्का सा फैलने लगा ऐसा करके वह उसकी गुलाबी चूत को देख रहा था जो कि उसकी इसी हरकत से हल्की सी खुल गई थी और उसके हल्के से खुलने से संजू के चेहरे पर खुशी झलकने लगी थी क्योंकि उसने आधा काम अपनी उंगलियों के सहारे कर चुका था अब आधा काम करना बाकी था जो कि उसे लंड से करना था,,,।

जिंदगी में पहली बार जल्दी छुड़वाने जा रही थी वह अपनी चूत का उद्घाटन करने जा रही थी जबकि एक दिन बाद ही उसकी शादी थी और यह कार्य उसके पति को करना था लेकिन यह बड़ी जिम्मेदारी वह अपने पति को ना सौंप कर सबसे पहले अपनी बुआ के लड़के को सौंप दी थी जो कि वह बखूबी इस जिम्मेदारी को निभा रहा था संजू ने अपने गरम लंड के गरम सुपाड़े को जैसे ही लल्ली की दहकती हुई चूत पर सटाया वह एकदम से कसमसा गई,,,, और गर्म सिसकारी लेती हुई अपनी गांड को और ऊपर की तरफ उठा दी जिसे संजू दोनों हाथों से पकड़कर स्थिर कर दिया,,,, संजू जानता था कि सीधी-सादी लल्ली के लिए यह बिल्कुल भी आसान नहीं है,,, इसलिए वह बहुत सोच समझ कर आगे बढ़ रहा था,,, वह उसे और ज्यादा गर्म करने के लिए अपने लंड की सुपारी को उसकी गरम चूत पर रगड़ना शुरू कर दिया जिससे उसके बदन में में उत्तेजना की चिंगारी फूटने लगी वह मदहोश होने लगी और उसके चेहरे के भाव एकदम से बदलने लगे और थोड़ी देर में अपनी गांड को पीछे की तरफ ठेलने लगी लंड को अपनी चूत में लेने के लिए,,,, और मौका देखकर संजू उसकी गीली चूत से अपने लंड के सुपाडे को सटाकर उसे अंदर की तरफ डालना शुरू कर दिया,,,, देखते ही देखते वह चूत की चिकनाहट पाकर अपने सुपाड़े को आधा चूत में प्रवेश कर दिया,,,, लल्ली से रहा नहीं जा रहा था मुझे थोड़ा-थोड़ा दर्द भी महसूस हो रहा था और आनंद भी,,,,। संजू ने धीरे से थोड़ा और जोर लगाया और इस बार लंड का सुपाड़ा चूत के गुलाबी पत्तियों के बीच प्रवेश कर गया वह चुत के अंदर उतर गया था,,,, लेकिन दो उंगली बर्दाश्त ना कर सकने स्थिति में वह मोटे तगड़े लंड के सुपाड़े को अपनी चूत में ले ली थी जिससे उसे दर्द होने लगा था और उसका चेहरा दर्द से बिलबिला उठा था,,, वह तुरंत नजर घूमर संजू की तरफ अच्छी और अपना हाथ आगे बढ़ाकर कमर पर रखे हुए उसके हाथ को पकड़ ली और उसे बाहर निकालने के लिए बोली,,,।

सहहहहहह आहहहह बहुत दर्द कर रहा है संजू बाहर निकाल लो मुझसे रहा नहीं जा रहा है,,,।

संजू और लल्ली

GIF-230828-164316.gif


सब ठीक हो जाएगा मेरी रानी और फिर इसके बाद इतना मजा आएगा कि तुम पूछो मत इसलिए तुम्हें बहुत संभाल कर अंदर डाल रहा हूं क्योंकि तुम्हारी पहली बार है यह क्रिया कर तुम्हारा पति तुम्हारे साथ करता था तुम्हारी इजाजत बिल्कुल भी नहीं लेता और एक झटके में पूरी चूत फाड़ता हुआ अंदर डाल देता,,, और तब तुम क्या करती कुछ नहीं कर पाती सिवा चिल्लाने के और सोच तुम्हारी चिल्लाने की आवाज अगर रात को परिवार के सदस्यों के कानों में पढ़ती तो सब लोग समझ जाते कि तुम चुदवा रही हो और इस हालत में कोई भी तुम्हारी मदद को नहीं आता इसलिए तो मैं तुम्हारी मदद कर रहा हूं ताकि तुम पहली रात को खूब मजा कर सको और अपने पति पर पूरी तरह से आप ही हो जाओ,,,, क्या तुम चाहती हो कि तुम्हारी चूत फट जाए तुम्हारे ससुराल वाले को पता चल जाए कि रात को तुम चुदवा रही हो,,, बोलो,,,

(संजू की बात सुनकर वह थोड़ा घबराने लगी और उसकी बात की गहराई को समझते हुए वह ना में सिर हीला दी तब संजू मुस्कुराते हुए बोला,,,,,)

GIF-230828-154806.gif




तुम बिल्कुल भी चिंता मत करो तुम मेरे मामा की लड़की हो और बहुत खूबसूरत हो इसलिए मैं नहीं चाहता कि तुम्हारी खूबसूरत बुर पर थोड़ी सी भी आंच जाए,,,, देखना थोड़ी देर में तुम्हें मजा आने लगेगा,,,,(संजू अपने लंड के सुपाड़े को उसकी चूत में फंसा कर उसे बहला फुसला रहा था,,, और फिर उसकी चिकनी कमर पर उसकी नंगी पीठ पर हाथ फिर आते हुए वह उसके दोनों संतरों को अपने दोनों हथेली में लेकर दबाना शुरू कर दिया वह उसके बदन में मस्ती की लहर भर रहा था उसके दर्द को कम कर रहा था इसलिए उसी अवस्था में खड़ा रहा,,, बाहर अभी भी बड़े जोरों की बारिश हो रही थी,,,, संजू उसकी चूची को दबा दबा कर मजे ले रहा था उसकी चूची को दबाने का भी एक अलग मजा था जिसमें वह पूरी तरह से मत हो चुका था वह जानता था कि थोड़ी देर में उसे मजा आने लगेगा और उसके मुख से दर्द भरी कराह की जगह मस्ती भरी शिसकारी फुट पड़ेगी,,,, और ऐसा ही हुआ संजू की मेहनत रंग लाने लगी उसके मुख से हल्की-हल्की सी शिसकारी की आवाज आने लगी उसे मजा आने लगा था उसका दर्द गायब हो चुका था वह आनंद के सागर में गोते लगाने को तैयार हो चुकी थी लेकिन संजू जानता था कि अभी एक बार फिर से उसे दर्द होगा लेकिन उसे आगे बढ़ना है इसलिए एक बार फिर से वह,,, धीरे से अपनी दोनों हथेलियां को उसकी कमर पर रख दिया और एक बार फिर से अपनी कमर पर जोर देते हुए जोर से धक्का मारा और लंड आधा उसकी चूत में समा गया,,,, लल्ली,, सूखे हुए पत्ते की तरह फड़फड़ा गई एक बार फिर से उसके मुंह से दर्द भरी चीख निकल गई,,,,)

लल्ली अपना कमाल दिखती हुयी

23018.gif


बस बस मेरी जान हो गया बड़ी कमाल कि तुम्हारी चूत है एकदम कसी हुई मजा आ गया ऐसी चउत तो मैं आज तक नहीं चोदा,,,, कसम से मजा आ गया आसमान से उतरी हुई परी से कम नहीं हो तुम तुम्हारा होने वाला पति जिंदगी भर तुम्हारी सेवा करेगा देखना तुम्हारा गुलाम बनकर रह जाएगा बस जैसा मैं तुम्हें सीखा रहा हूं वैसा ही उसके साथ करना फिर देखना करामात,,,,,(संजू उसे बातों में उलझते हुए एक बार फिर से उसके दोनों चूत को पकड़ कर दबाना शुरू कर दिया था उसका आधा लंड उसकी चूत में घुसा हुआ था वह जानता था कि एक साथ पूरा का पूरा लंड लेने में वह असमर्थ है अगर ऐसा हो गया तो उसकी चूत से खून टपकने लगेगा और अगर ऐसा हो गया तो वह फिर उसे चोदने नहीं देगी इसीलिए संजू बहुत संभाल कर आगे बढ़ रहा था,,,।

एक बार फिर से वह संजु से उसका लंड बाहर निकाल लेने के लिए गुजारिश करने लगी,,, लेकिन फिर से संजू चला कि दिखाते हुए एक बार फिर से इस तरह से उसके बदन को सैहलाने लगा उसकी चूची को दबाने लगा उसके निप्पल से खेलने लगा,,, और संजू की सूझबूझ फिर से काम आ गई

लल्ली के बदन में उसकी चूत से दर्द कम होने लगा और मस्ती छाने लगी और इस बार तो वह खुद ही अपनी गांड को गोल-गोल नाचना शुरू कर दी और मौका देखकर संजू एक बार फिर से उसकी कमर को थाम लिया और इस बार पूरी ताकत के साथ अपनी कमर को आगे की तरफ फैल दिया और उसका पूरा का पूरा लंड उसकी चूत में समा गया,,,,,,,।

इस जबरदस्त प्रचंड प्रहार के बाद जैसे ही लाली संजू की तरफ मुंह करके दर्द भरी कह अपने मुंह से निकलने वाली थी कि संजू मौका देखकर एकदम उसकी तरफ झुक गया और उसके चेहरे को दोनों हाथों में पकड़ कर उसके लाल-लाल होठों को अपने होठों में भरकर उसे चूसना शुरू कर दिया उसका दर्द मुंह में ही दब कर रह गया संजू की चालाकी से वह पूरी तरह से कायल हो गई और थोड़ी ही देर में उसका दर्द भी एकदम कम हो गया और उसके लाल लाल होठों को चुस्त हुआ अपनी कमर को हिलता हुआ उसको चोदना शुरू कर दिया यह बेहद अद्भुत तरीके का खेल था जिसमें संजू सर्वोपरि ऊपर ही था और लल्ली उसकी शिष्या की तरह उसके नीचे ही थी,,,,।

बाहर बारिश अपना जोर दिख रही थी और खंडहर के अंदर संजू अपना मर्दाना जोर दिख रहा था संजू का लंड बहुत ही आराम से उसकी चूत के अंदर बाहर हो रहा था संजू पागलों की तरह उसे चोद रहा था वह जानता था कि ऐसा मौका फिर मिलने वाला नहीं है,,,, इस मौके का फायदा उठाते हुए संजू इसकी सुहागरात से पहले ही उसके साथ सुहागरात मना रहा था संजू के खुशी का ठिकाना न था वह घर की सारी औरतों को अपने नीचे ला दिया था,,,, संजू को अपनी किस्मत पर बड़ा ही गर्व हो रहा था संजू उसकी चिकनी कमर को दोनों हाथों से पकड़ कर अपनी कमर हिला रहा था उसकी गोल-गोल गांड एकदम सचोट रूप से उसकी जांघों से टकरा रही थी और उसमें से एक अद्भुत संगीत निकल रही थी,,, जिसे सुनकर संजू के साथ-साथ लल्ली भी मदहोश हुए जा रही थी,,,।

तेज बारिश और तेज हवाओं के चलते मौसम में ठंडक फैल चुकी थी लेकिन दोनों की जवानी की गर्मी इतनी जबरदस्ती की दोनों के माथे से पसीना टपक रहा था अब तो वह भी संजू का साथ देते हुए अपनी कमर को अपनी गांड को पीछे की तरफ मार रही थी दोनों किसी से कम नहीं थे संजू भी पूरी जवानी से भरा हुआ था और लल्ली भी जवानी से लबालब भरी हुई थी,,,, संजू अपनी नजरों को नीचे करके उसकी चूत में अंदर बाहर हो रही अपने लंड को देख रहा था जो की बेहद बिकराल रूप धारण कर लिया था,,,,।

कैसा लग रहा है मेरी रानी,,,(धक्के लगाता हुआ संजू बोला)

सहहहह आहहहहह ऊममममममम संजु आहहहहह पूछो मत कैसा लग रहा है बहुत मजा आ रहा है मैं कभी सोच भी नहीं सकती थी कि इस खेल में इतना मजा आता है,,,

मैं कह रहा था ना तुमसे बहुत मजा आएगा,,,,ऊफफ,,, तुम्हारी चूत भी बहुत गर्म है,,,

तुम्हारा वह भी तो बहुत गर्म है,,,

क्या गरम है बताओ ना,,,,,(उसकी चूत में अपने लंड को अंदर बाहर करता हुआ वह बोला,,, जवाब में वह भी शर्म का दामन छोड़कर बेशर्मी दिखाते हुए बोली,,)

तुम्हारा लंड,,,(लंड शब्द कहते ही उसकी उसकी चूत के ईर्द गिर्द लहू का दौरा बड़ी तेजी से होने लगा वह और भी ज्यादा उत्तेजना का अनुभव करने लगी और संजू बोला,,)

आहहहह ,,,, तुम्हारे मुंह से लंड शब्द सुनना कितना मजा देता है,,,,,(ऐसा कहते हुए संजू उसकी कमर को बड़ी जोर से कसके अपने लंड को उसकी चूत में पेलना शुरू कर दिया,,,,, लल्ली के मुंह से लगातार गर्म शिसकारी की आवाज निकल रही थी,,, उसे चुदवाने में बहुत मजा आ रहा था,,,, संजू अब अपना आसन बदलना चाहता था इसलिए धीरे से अपने लंड को उसकी चूत में से बाहर निकाल कर वह लल्ली को दोनों हाथों से पकड़ कर खड़ी करने लगा,,,, और फिर उसे अपनी बाहों में लेकर एक बार फिर से उसके लाल-लाल होठों को चूसना शुरू कर दिया वह उसकी बाहों में थी उसकी चूत से एक बार फिर से उसका लंड टकरा रहा था लेकिन इस बार संजू खड़े-खड़े यह अपने लंड को थोड़ा सा नीचे की तरफ झुक कर उसकी चूत में डालना शुरू किया और इस बार सफलता प्राप्त करते हुए वह खड़े-खडे ही लल्ली की चूत में अपने लंड को डाल दिया और खड़े उसे चोदना शुरू कर दिया,,,, दोनों का पेट बिल्कुल सपाट था इसलिए दोनों को इस आसन में बिल्कुल भी दिक्कत नहीं हो रही थी और लल्ली तो अपनी नजरों को अपनी दोनों टांगों के बीच सि्थर करके संजू के लंड को अपनी चूत में अंदर बाहर होता हुआ देख रही थी,,

उसके लिए सब कुछ नया नया सा एकदम अद्भुत अतुलिनिया अब विश्वसनीय वह बिल्कुल भी यकीन नहीं कर पा रही थी कि गांव के खंडहर में वह अपने ही हुआ के लड़के से चुदवाएगी,,,और चुदवा रही थी,,,,, संजू अपने दोनों हथेली में उसकी गोल-गोल गांड को भरकर अपनी कमर हिला था मैं उसे छोड़ रहा था इस आसन में वह पहली बार लल्ली की चुदाई कर रहा था,,, और उसने अब तक ही शासन का प्रयोग किसी के भी साथ नहीं किया था और इस आसन में वह पहले मर्तमा मे ही सफलता प्राप्त कर चुका था,,,,

लल्ली पसीने से तरबतर हो चुकी थी उसके माथे पर पसीने की बूंदें टपक रही थी संजू उसकी एक टांग ऊपर उठकर उसे अपनी कमर पर लपेट लिया था और से चोद रहा था,,, ऐसा लग रहा था कि मानो संजू आज अपने मां की लड़की के साथ सारे आसान प्रयोग कर लेगा और हर आसन में वह अपनी मां की लड़की को अद्भुत सुख प्रदान कर रहा था,,,, संजू उसके लाल लाल होठों का रसपान करते हुए उसकी चुदाई कर रहा था और फिर धीरे से उसकी चूची पर अपना मुंह रखकर उसे पीते हुए देखते ही देखते हुआ उसकी दूसरी टांग को हवा में ऊपर उठाया और उसे अपनी गोद में ले लिया उसका लंड अभी भी उसकी चूत में था वह पूरी तरह से उसकी गोद में आ गई थी और संजू बेझिझक उसे अपनी गोद में उठाए हुए हैं उसे छोड़ रहा था लल्ली संजू की मर्दाना ताकत को देखकर एकदम प्रभावित हो गई थी,,, क्योंकि उसके वजन का उसे पर बिल्कुल भी प्रभाव नहीं पड़ रहा था वह बड़े आराम से सहज रूप से उसे चोद रहा था अपने लंड को उसकी चूत में अंदर बाहर कर रहा था,,,, लल्ली को वह बोलने लायक नहीं छोड़ा था उसकी बोलती बंद हो गई थी क्योंकि संजू ने उसे वादा किया था कि इस खेल में उसे बहुत मजा आएगा और उसके वादे के मुताबिक ही इस खेल में उसके कहने से भी कहीं अधिक आनंद उसे प्राप्त हो रहा था,,,,।

बाहर बारिश का शोर कम होता हुआ महसूस हो रहा था बारिश का जोर कम पड़ रहा था ऐसा लग रहा था की बारिश बंद होने जा रही है और दूसरी तरफ खंडहर के अंदर की चुदाई भी अपने चरम सीमा पर थी उसके मामा की लड़की की सांस बड़ी तेजी से चल रही थी उसके बदन में अकड़न पड़ने लगी थी संजू समझ गया था कि यह अपने चरम सुख के करीब पहुंच रही है इसलिए उसे गोद में लिए हुए ही नीचे फेक हुए कपड़ों के ढेर पर उसे धीरे से लेट दिया और उसकी दोनों टांगों के बीच लेट गया और उसे चोदना शुरू कर दिया संजू जानता था कि उसका पानी निकलने वाला है और वह भी चरम सुख के करीब पहुंचने वाला है इसलिए अपने दुखों में बिल्कुल भी नरमी न बरतते हुए वह किसी मशीन की तरह अपनी कमर को बड़े जोर से आगे पीछे कर रहा था,,,,।

संजू की घमासान चुदाई से उसके मुंह से गरमा गरम चीख निकल रही थी वह मस्त हो रही थी मजे ले रही थी,,,, और उसे इस बात की खुशी भी थी कि थोड़े से दर्द के बाद वह संजू के मोटे तगड़े लंड को अपनी चूत में बड़े आराम से ले ली थी ,,,,, संजू तेज धक्के लगाते हुए उसकी दोनों चूचियों को अपनी हथेली में लेकर जोर-जोर से मसल दे रहा था तो कभी उसे मुंह में लेकर पीना शुरू कर दे रहा था तो कभी उसके लाल-लाल होठों को अपने मुंह में भरकर पी रहा था लेकिन अपनी कमर को बिल्कुल भी आराम ना देते हुए वह बड़ी तेजी से हिला रहा था और देखते ही देखते उसके मामा की लड़की अपने बड़ों को खोलकर उसे अपनी बाहों में भर ली और गहरी गहरी सांस लेने लगी उसके बदन में अकड़न सी बढ़ने लगी और उसके मुख से जोरदार सीखने के लिए और उसकी चूत से मलाई की धार फूट पड़ी संजु बिल्कुल भी नहीं रुका और दो-चार धक्कों के बाद वह भी अपना गर्म लावा उसकी चूत में गिराना शुरू कर दिया,,, दोनों झड़ चुके थे लल्ली अपनी हथेली को संजू की पीठ पर रखकर उसे हल्के हल्के सहला रही थी मानो कि जैसे उसके इस अविश्वसनीय कार्य के लिए बधाई दे रही हो,,,, संजू भी कुछ देर तक उसकी चूत में लंड डाले इस तरह से पडा रहा जब उसका लंड धीरे-धीरे ढीला होने लगा तो वह धीरे से उठा और अपने लंड को उसकी चूत से बाहर निकाला,,,,।

बाहर बारिश बंद हो चुकी थी संजू कैसा लग रहा था कि मानो यह बारिश दोनों को मिलने के लिए ही बरस रही थी और दोनों का काम खत्म होने के बाद खुद ब खुद बंद हो चुकी थी संजू धीरे से उसके ऊपर से उठा और और अपने कपड़े पहनना शुरू कर दिया,,, वासना का तूफान शांत होते ही लल्ली को अपनी हालत पर शर्म महसूस होने लगी वह शर्म से पानी पनी होने लगी और धीरे से संकुचाते हुए उठी और सबसे पहले अपनी लाल रंग की पेटी उठाकर उसे पहनने लगी वह पेटी पहनते समय अपनी पीठ को संजू की तरफ कर ली थी क्योंकि वह अब उस नजर मिलाने में शर्म महसूस कर रही थी लेकिन ऐसा करने से उसकी गोल-गोल गाने एक बार फिर से संजू के सामने थी जिसे देखकर वह खुश हो रहा था वह एक खूबसूरत जवान पर काबू पा चुका था पेटी पहनते ही वह सलवार उठाकर पहनने लगी और इसके बाद ब्रा और फिर कुर्ती वह चलने के लिए तैयार थी संजू भी अपने कपड़े पहन चुका था लेकिन खंडहर से निकलते समय संजू एक बार फिर से उसे अपनी तरफ खींच कर उसके लाल-लाल होठों को अपने होठों में भरकर पीना शुरू कर दिया और लल्ली भी उसका साथ बराबर देने लगी अभी संजू के आकर्षण में पूरी तरह से बंध चुकी थी,,,।

घर पर पहुंचते ही संजू मुस्कुराते हुए कमरे के अंदर चली गई और संजू शादी की तैयारी में जुट गया,,,।
 
संजू अपनी सूझबूझ और चालाकी से अपने मामा की लड़की की मदहोश कर देने वाली जवानी पर उसकी कुंवारी चूत पर फतह पा चुका था,,, अपनी कामयाबी का झंडा उसकी कुंवारी चूत में गाड़ चुका था,,,, ऐसा नहीं था कि कामयाबी से केवल संजू ही खुश था संजू ने जितना मजा खुद प्राप्त किया था उसे कई ज्यादा आनंद अपने मामा की लड़की को दिया था वह पूरी तरह से मदहोश हो चुकी थी,,, और उसे सबसे ज्यादा खुशी इस बात की थी कि वह अब शादी की पहली रात को संजू के बताए अनुसार दर्द को सहन कर पाएगी बल्कि उसका आनंद उठा पाएगी और वह पहली रात में ही अपने पति पर पूरी तरह से हावी हो जाएगी,,,।

संजू और उसके मां की लड़की लल्ली

GIF-230930-153210.gif




लल्ली मोटरसाइकिल से उतरते ही सीधे बरामदे में से होते हुए अपने कमरे की तरफ चली गई थी किसी की नजर तो उसे पर नहीं गई थी लेकिन साधना उसे बड़े गौर से देख रही थी उसके बदले मिजाज को देख रही थी और खास करके उसकी चाल को देख रही थी जो कि बिगड़ चुकी थी,,,, पल भर में साधना की आंखों के सामने तेज बारिश वाला वह दृश्य में आने लगा जब वह इसी तरह की तेज बारिश में खंडहर में रुकने का फैसला किए थे और खंडहर में जो कुछ भी हुआ था वह उन तीनों की जिंदगी को बदल कर रख दिया था आज भी उसी तरह की बारिश हुई थी और उसके मन में यही हो रहा था कि आज भी संजू बारिश से बचने के लिए कहीं ना कहीं रुका होगा और यही जानने के लिए वह संजू के पास आई,,,,

बाजार से आते ही संजू शादी के काम में हाथ बटाने लगा था मौका देखकर साधना उसके पास गई,,, और बोली,,,।

संजू और लल्ली मजे करते हुए

GIF-230930-153426.gif




तुम दोनों तो एकदम भीग गए थे,,,,

ओ हा मौसी रास्ते में इतनी तेज बारिश होने लगी की कुछ समझ में ही नहीं आया,,,।

तो कहीं रुक जाना चाहिए था ना,,,

रुके तो थे,,,

कहां,,,,?(साधना संजू के चेहरे की तरफ देखते हुए बोली वह संजू के चेहरे के बदलते भाव को देखना चाहती थी और अनुभव से भरी हुई साधना संजू के चेहरे के बदलते हुए भाव को अच्छी तरह से समझ रही थी)

वही खंडहर में,,,,

ऊसी खंडहर में जहां हम तीनों रुके थे,,,

संजू और लल्ली

GIF-230930-153611.gif


हां मौसी और कहीं रुकने की जगह ही नहीं थी,,,,।

और उसे खंडहर में एक जवान लड़की के साथ रुकने में तुझे उसे दिन वाला सब कुछ याद आ गया होगा आराधना और मैं और तू और फिर,,,,

क्या मौसी तुम भी ऐसा कुछ भी नहीं हुआ था तुम्हें क्या लगता है मामा की लड़की ऐसी वैसी लड़की है जो तुरंत तैयार हो जाएगी,,,

तुरंत ना सही लेकिन थोड़ा बहुत मनाने पर तो मन ही गई होगी,,,

संजू की ममी पर जवानी चाफहते हुए

GIF-230930-154331.gif


नहीं मौसी तुम गलत समझ रही हो,,,(शादी के काम में अपने आप को उलझाने का नाटक करते हुए बोला) लल्ली ऐसी वैसी लड़की नहीं है।

ऐसी वैसी तो तेरी मां भी नहीं है तो उसे तूफानी रात में क्यों तुझे अपना सब कुछ देने के लिए नंगी हो गई क्यों तेरे सामने अपनी चूत खोल कर रख दी क्यों तेरे सामने अपनी नंगी गांड नचाने लगी ,,,, देख संजू औरत के मन को तू मुझे अच्छा नहीं जानता मैं सब समझ सकती हूं और वैसे भी शहर की लड़कियों से ज्यादा तेज गांव की लड़कियां होती हैं वह कब लड़कों को बुद्धू बना कर अपना काम निकलवा ले लड़कों को भी पता नहीं चलता,,,, तो भले ही कुछ नहीं बता रहा है लेकिन तेरा चेहरा सब कुछ बता रहा है और लाली की बदली हुई और बिगड़ी हुई चाल सब कुछ समझती हूं मैं,,,,,

संजू की ममी अपनी पेटीकोट उतरती हुयी

GIF-230930-154458.gif


बिगड़ी हुई चाल मतलब,,,(संजू आश्चर्य जताते हुए बोला)

देख मैं और तेरी मां हम दोनों तो औरत है और तेरे मोटे तगड़े लंड को तो किसी तरह से हम दोनों झेल गई थी लेकिन,,,,लल्ली तेरे मोटे तगड़े लंड। को ज्यादा झेल नहीं पाई है इसीलिए लंगड़ा कर चल रही है,,,,।

(इस बार वह एकदम से चौंक गया क्योंकि उसने भी उसकी बदली हुई चाल पर गौर नहीं किया था और उसकी मौसी अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए बोली,,,)

लल्ली की माँ अपने हाथ से खेलती हुयी

GIF-230930-155019.gif


मुझसे छुपाने की कोशिश मत कर मैं सब कुछ समझ गई हूं,,, और वैसे भी तेरे मेरे बीच में और तेरी मां के बीच में जिस तरह का हम लोगों का रिश्ता है इस हिसाब से तुझे कुछ भी छुपाना नहीं चाहिए और मैं किसी भी चीज के लिए बुरा नहीं मानूंगी,,,,।

(इतना कुछ सुनाने के बाद संजू के पास छुपाने के लिए कुछ भी नहीं था इसलिए वह इधर-उधर नजर दौड़ा कर धीरे से बोला,,)

तुम सही सोच रही हो खंडहर में हम दोनों के बीच वही हुआ जो हम तीनों के बीच हुआ था,,,,

( संजू के मुंह से इतना सुनते ही साधना एकदम से चौंक गई लेकिन फिर संजू के व्यक्तित्व को देखते हुए वह धीरे-धीरे अपने आप को संभालने लगी और अपने मन में सोचने लगी कि जो अपनी सगी मौसी और अपनी मां को चोद सकता है तो उसके लिए अपने मामा की लड़की कौन सी बड़ी बात है,,, लेकिन वह जानना चाहती थी कि आखिर ऐसा हुआ कैसे वह खुद उसे बहुत सीधी-सादी लड़की समझती थी और इसीलिए वह जानना चाहती थी की शुरुआत कैसे हुई किसने शुरू किया कही संजू ने तो मजबूर नहीं किया,,, इसीलिए वह बोली,,,)

संजू अपनी मामी की छूट से k-elta हुआ

GIF-230930-155157.gif


लेकिन यह हुआ कैसे मैं तो उसे सीधी-सादी लड़की समझती थी देखने में भी सीधी-साधी ही है तो फिर इतना बड़ा फैसला वह ले कैसे ली तुमने तो नहीं उसे फुसलाया,,,,

नहीं नहीं मौसी मैं भला ऐसे कैसे कर सकता हूं और वैसे भी मुझे किस बात की कमी है तुम दोनों तो हो ना मेरे पास फिर किसी और के पास जाने कि मुझे जरूरत ही क्या है,,,,

तो फिर ऐसा कैसे हो गया,,,

लल्ली के मन में दुविधा थी सुहागरात को लेकर उसकी किसी सहेली ने बता दी थी कि तुमने तो अपनी चूत में अभी तक एक उंगली भी नहीं डाली हो तो इतना मोटा लैंड कैसे सहन कर पाओगे तुम्हारी चूत फट जाएगी अगर तुम भी हम जैसी लड़कियों की तरह अपनी चूत में उंगली डाली होती है अपने प्रेमी से चुदवाई होती तो तुम्हारा काम आसान हो जाता और वैसे भी चूत में एक बार लंड जाए या 100 बार लैंड जाए कोई फर्क नहीं पड़ता,,, और वह इन्हीं सब बातों को लेकर बहुत परेशान थी,,,,।

ममी भांजा दोनों एक दूसरे से मजा लेते हुए

GIF-230930-155337.gif




और तू उसकी परेशानी दूर कर रहा था,,,।

और कर भी क्या सकता था मौसी जरा तुम ही सोचो उसके मन में इतनी सारे डर भरे हुए थे उन्हें दूर करना भी तो जरूरी था,,,,

लेकिन उसका डर दूर करने के लिए तू ही मिला गांव में और भी तो लड़के थे,,,

संजू और उसकी मामी

GIF-230930-155500.gif


क्या मौसी तुम भी गांव के लड़के के साथ अगर वह इस तरह की हरकत करती तो वह लोग उसे ब्लैकमेल करके बार-बार यह काम करते और उसे बदनाम भी कर देते इसीलिए तो उसने मुझे चुनी,,, क्योंकि वह मुझे बता रही थी की बहुत दिन से वह मुझे यह बात करना चाहती थी लेकिन कहीं मौका ही नहीं मिल रहा था और वह मुझे यह भी बताएं कि अगर गांव के लड़के के साथ इस तरह के संबंध बनाऊंगी तो बदनाम हो जाऊंगी मेरे मम्मी पापा का नाम खराब हो जाएगा और मैं तुम्हें इसलिए पसंद कर रही हूं कि तुम तो शादी के बाद चले जाओगे और तुम यह राज किसी को बताओगे नहीं,,,, और इसीलिए मैंने उसका डर दूर करने के लिए अपने आप को तैयार कर लिया,,,, वैसे तो मौसी खंडहर में रुकने का और वहीं पर लल्ली कर डर दूर करने का प्लेन मेरा ही था लेकिन सही समय पर बारिश अपना काम कर गई और हमें उसे खंडहर में रुकना पड़ा और इतनी नाम से मैंने उसकी जमकर चुदाई किया,,,, और सच कहूं तो मौसी वह ऐसी वैसी लड़की नहीं है,,,।

संजू अपनी ममी की चुदाई करता हुआ

GIF-230930-155634.gif


तुझे कैसे मालूम,,,?(साधना आशचर्य जताते हुए बोली,,,)

क्योंकि मौसी उसकी चूत एकदम कसी हुई थी उसमें एक उंगली भी ठीक से नहीं जा रही थी वह तो कितनी मेहनत करने के बाद उसकी चूत में लंड डाला हुं,,,

हां वह तो दिख ही रहा था तभी लंगड़ा कर चल रही है,,,,

वैसे मौसी इस बारे में मम्मी को मत बताना मैं नहीं चाहता कि उसके बारे में कोई गलत सोचें यह राज तुम्हारे और मेरे बीच में रहेगा,,,,

चल कोई बात नहीं,,,(थोड़ी देर सोचने के बाद) लेकिन इस राज को राज रखने के लिए आज तुझे मेरे ऊपर मेहनत करनी पड़ेगी मेरी चूत चाटनी पड़ेगी,,,,,

क्या बात है तुम्हारी शर्त मुझे मंजूर है कहो तो इसी समय तुम्हारी चूत चटाई कर दुं,,,,

मन तो मेरा यही कह रहा है लेकिन अभी ऐसा मुमकिन नहीं है लेकिन रात को याद रखना गाना बजाने के बाद जब मैं कमरे में आऊंगी तब तू अपनी मां के पास जाने से पहले मेरी प्यास बुझाएगा,,,,

मुझे मंजूर है,,,,

( ईतने में वही आराधना भी आ गई,,, उन दोनों को बात करता हुआ देखकर वह बोली,,)

क्या खुसर फुसर हो रही है,,,,

कुछ नहीं मम्मी मैं लल्ली को लेकर बाजार गया था,,,।

अरे हां मैं तो भूल ही गई तु पायल बदलवाने के लिए गया था ना अच्छे से तो ले आया ना,,,

हां ले आया और बहुत ही सुंदर है,,,,

GIF-230930-155933.gif


चलो अच्छा हुआ नहीं तो इतनी तेज बारिश पड रही थी मैं तो घबरा ही गई थी,,,,

(इतना कहने के साथ ही तीनों अपने-अपने काम में लग गए,,,,, दूसरी तरफ लल्ली अपने कमरे में ही बैठी थी और खंडहर में जो कुछ भी हुआ उसके बारे में सोचकर हैरान और उत्तेजित हुई जा रही थी,,, उसे अपने आप पर यकीन नहीं हो रहा था कि उसने इतना बड़ा कदम उठा ली थी आखिरकार वह मन ही कैसे गई संजू की बातों को उसके कहने पर क्यों आ गई,,,, एक तरफ खंडहर वाली बात के बारे में सोचकर उसके मन में थोड़ी सी कलानी हो रही थी वहीं दूसरी तरफ खंडहर वाली बात को लेकर उसके तन बदन में अजीब सी उत्तेजना का संचार हो रहा था यहां तक कि उसे अभी भी अपनी चूत में संजू का मोटा तगड़ा लंड एकदम महसूस हो रहा था एकदम गरमा गरम अंदर बाहर होता हुआ,,, और वह इस बात से भी हैरान थी कि इतना मोटा तगड़ा लंड आखिर चूत में समा कैसे गया,,,,,, दोपहर का समय हो गया था लल्ली अभी तक अपने कमरे में ही बैठी हुई थी,,, उसे अपने कमरे से बाहर निकलने का मन नहीं कर रहा था एक तरह से वह अपनी हरकत पर शर्मिंदा भी थी,,,, इसलिए किसी से भी नजर मिलाने में उसे समय महसूस हो रही थी,,,, तभी उसके कानों में आवाज सुनाई दी जो कि उसकी मां की ही थी,,,‌।

संजू ओ संजू,,,,कहा चला गया ये लडका ,,,, सुबह से अभी कुछ खाया भी नहीं है,,,,,,, इतना कहते हुए वह घर में चारों तरफ घूम-घूम कर संजू को ढूंढ रही थी,,,, लल्ली अपने मन में सोचने लगी कि उसकी मां संजू पर इतनी मेहरबान क्यों है तभी उसे एहसास हुआ कि यह मेहरबानी किस लिए जताई जा रही है उसकी प्यास जो संजू ने बुझाया है,,,, तभी उसके कानों में आवाज आई,,,।

अरे कहां चला गया था तो कब से तुझे खाना खाने के लिए ढूंढ रही हूं,,,,

अरे कुछ नहीं मामी यही खेतों में घूम रहा था,,, लाओ में यही खाना खा लेता हूं,,,,

नहीं यहां नहीं चल मेरे कमरे में खा ले,,,।

(उसका इतना कहना था कि लल्ली अपनी मां के खाने के मतलब को अच्छी तरह से समझ गई और उसका दिल जोरो से धड़कने लगा और उसकी बात को संजू भी अच्छी तरह से समझ गया था इसके लिए उसके चेहरे पर मुस्कुराहट तैरने लगी उसे मुस्कुराता हुआ देखकर उसकी मामी भी मुस्कुरा दी और दोनों बिना कुछ बोले कमरे की तरफ जाने लगे,,, अपने कमरे में से सुन रही लल्ली अपनी मां के खाने के मतलब को अच्छी तरह से समझ रही थी इसलिए उसकी उत्सुकता बढ़ने लगी वह तुरंत अपने बिस्तर पर से उठकर खड़ी हो गई और धीरे से दरवाजा खोली तो देखी उसकी मां अपने कमरे में संजू को लेकर जा रही थी इसका मतलब एकदम साफ था कि वह संजू से चुदवाने जा रही थी,,,। लल्ली के मन में अजीब सी हलचल हो रही थी वह अपनी मां को साफ तौर पर देख रही थी कि एक जवान लड़की को अपने कमरे में ले जा रही थी और वह भी चुदवाने के लिए अपनी मां की हरकत को देखते हुए उसके मन में एकदम से ख्याल आया कि उसकी मां कितनी छिनार हो गई है,,,, लेकिन वह ऐसे बैठी नहीं रह सकती थी वह देखना चाहती थी कि आखिरकार कमरे में हो क्या रहा है वास्तव में उसकी मां उसे खाना खिला रही है या कुछ और चटवा रही है,,,, इसलिए वह दबे पांव अपनी मां के कमरे की तरफ जाने लगी लेकिन चारों तरफ नजर घुमा करवट देख भी ले रही थी क्योंकि विवाह वाला घर था मेहमान धीरे-धीरे आना शुरू हो गए थे इसीलिए वह नहीं चाहती थी कि किसी की भी नजर उस पर पड़े,,,,।

देखते ही देखते हो अपनी मां के कमरे की बेहद कर पहुंच गई और अंदर देखने का कोई जुगाड़ ढूंढने लगी और तुरंत उसे अपनी मां के कमरे की खिड़की हर किसी खुली हुई मिल गई वह खिड़की से अपनी नजर सटाकर अंदर की तरफ देखने लगी तो कुछ ही पल में अंदर का दृश्य एकदम साफ होता चला गया,,, और अंदर का दृश्य देखते ही उसका दिल जोरो से धड़कने लगा अंदर वही हो रहा था जिसका डर उसके मन में था,,,, उसकी मां संजू की बाहों में थी और संजू उसकी मां के लाल-लाल होठों को चूस रहा था और साथ ही ब्लाउज के ऊपर से ही उसकी चूचियां दबा रहा था,,, लल्ली समझ गई थी कि उसकी मां कौन सा भजन उसे करवा रही है देखते ही-देखते संजू,,, उसकी मां के ब्लाउज का बटन खोलने लगा और पल भर में भी ब्लाउज खोलकर उसकी नंगी चूचियों को बाहर निकाल और उसे पर मुंह लगाकर पीना शुरू कर दिया बाहर से देख रही लल्ली की चूत में आग लगने लगी क्योंकि कुछ घंटे पहले हुआ भी अपने प्यास बुझवा कर रही थी लेकिन अपनी मां के कमरे के अंदर का दृश्य देखकर अपनी मां की हरकत को देखकर एक बार फिर से उसके बदन में सुरसुरी से दौड़ने लगी थी,,,,

लल्ली कि सांसे बड़ी तेजी से चल रही थी क्योंकि उसकी नजर के सामने ही उसकी मां अपने घुटनों के बाल पेट कर खुद संजोग के पेट का बटन खोलकर उसके लंड को बाहर निकाल कर मुंह में लेकर चूसने लगी थी,,, बाहर खड़ी लल्ली अपनी आंखों से एकदम साफ देख रही थी कि संजू पागलों की तरह अपनी कमर आगे पीछे करके उसकी मां के मुंह को ही चोद रहा था,,, इसी दृश्य को देखकर उसके तन बदन में अजीब सी हलचल होने लगी वह खंडहर के बारे में सोचने लगी वह भी इसी तरह से संजू के लंड को मुंह में लेकर चूस रही थी और उसे भी अत्यधिक आनंद की प्राप्ति हो रही थी,,,, लल्ली को समझते देर नहीं लगी थी कि इस क्रिया को करने में मर्द औरत दोनों को बराबर का आनंद प्राप्त होता है इसलिए तो उसकी मां भी बिना बोले ही वह क्रिया कर रही थी कुछ देर तक दोनों इसी तरह से आनंद लेते रहे और इसी दृश्य को देखकर लल्ली की चूत पानी छोड़ रही थी,,,,।

थोड़ी देर में संजु उसकी मां को कंधों से पकड़ कर खड़ी किया और उसे बिस्तर पर लेटा दिया,,, दोनों के पास समय बिल्कुल भी नहीं था लेकिन संजू उसकी मां की चूत चाटने से अपने लालच को रोक नहीं पाया और दोनों टांगें खिलाकर कुछ देर तक उसकी चूत का रस जीभ लगाकर चाटता रहा,,, और फिर अपने मोटे तगड़े लंड को उसकी चूत में डाल कर अपनी कमर हीलाना शुरू कर दिया था उसे चोदना शुरू कर दिया था,,,, लल्ली साफ़-साफ़ देख पा रही थी कि अपनी चूत में लंड लेने के बाद उसे कितना मजा आ रहा था उसका खुद का मन अब संजू के लंड को अपनी चूत में लेने के लिए करने लगा था,,,,, संजू की कमर बड़ी तेजी से गिर रही थी वह उसकी मां को अपनी बाहों में लेकर जोर-जोर से धक्के लगाने लगा और देखते ही देखते एकदम ढेर हो गया,,, लल्ली समझ गई कि आप उसका वहां रुकना ठीक नहीं है इसलिए वह वहां से वापस अपने कमरे में आ गई,,,,,

वह संजू से मिलना चाहती थी इस बारे में उससे बात करना चाहती थी,,,,, इसलिए शाम को मौका देखकर कर वह संजू से बोली,,,,

मुझे तुमसे कुछ बात करना है,,,

हां कहो क्या बात करना है,,,,

यहा नहीं जब रात को गाना बजाना हो रहा हो तब छत पर मिलना मैं तुम्हारा इंतजार करूंगी,,,,।

ठीक है,,,,(इतना कहने के साथ ही संजू वापस काम में व्यस्त हो गया लेकिन उसके इशारे को अच्छी तरह से समझ गया था वह समझ गया था कि आप यह लड़की तड़प रही है उससे चुदवाने के लिए,,,,)
 
संजू को रात के वक्त छत पर मिलने का न्योता लल्ली ने दे दी थी,,, संजू को ऐसा ही लग रहा था कि वहां छत पर चुदवाने के लिए उसे बुला रही है,, क्योंकि संजू इस बात को अच्छी तरह से जानता था कि एक बार अगर जवान लड़की या औरत एक मोटे तगड़े लंड को अपनी चूत में ले ले तो फिर उसकी हालत खराब हो जाती है उसकी चूत तड़पना लगती है दोबारा लंड को अपने अंदर लेने के लिए,,, और संजू को ऐसा ही लग रहा था की लल्ली को भी ऐसा ही महसूस हो रहा है ,,,इसलिए वह रात होने का इंतजार बड़ी बेसब्री से कर रहा था,,,, वैसे भी विवाह को एक दिन रह गए थे इसलिए घर में मेहमानों का जमावड़ा सा लगा हुआ था पैसे में लगने से मिलकर बात कर पाना या उसके साथ कुछ कर पाना मुमकिन सा लग नहीं रहा था इसलिए छत हीं बेहतर थी,,,,।

संजू अपनी मामी क साथ

GIF-231002-164109.gif


धीरे-धीरे शाम ढलने लगी वैसे-वैसे संजू का दिल बड़े जोरों से धड़कने लगा वैसे भी अब उसे चूत की कमी बिल्कुल भी नहीं थी लेकिन फिर भी एक जवान लड़की जिसकी कल शादी होने वाली है ऐसे हालात में इसकी सुहागरात से पहले उस लड़की को चोदने का अवसर मिल जाए तो कोई भी जवान लड़का फुले नहीं समाएगा और अपने आप को दुनिया का सबसे किस्मत वाला लड़का समझेगा और ऐसा ही संजू भी अपने आप को किस्मत वाला समझ रहा था दूसरी तरफ,, लल्ली भी संजू से मिलने के लिए उत्सुक थी उसके मन में ढेर सारे सवाल थे अपनी मां को लेकर संजू की मां और उसकी मौसी को लेकर क्योंकि उसे इस बात का एहसास हो रहा था कि संजू का संबंध उसकी खुद की सगी मां से भी था और उसकी मौसी से इसीलिए वह इस बात का खुलासा करना चाहती थी और अपनी मां की हरकत को देखते हुए जिस तरह से दोपहर में वह संजू का हाथ पकड़ कर उसे खाना खिलाने के बहाने अपने कमरे में ले गई और खाना खिलाने से पहले अपनी जवानी का रस उसे पिलाने में छूट गई या देखकर वह अपनी मां को छिनार समझने लगी थी,,,, क्योंकि संजू से संबंध बनाने के लिए उसे अब किसी न किसी बहाने की जरूरत पड़ती थी और वह बहाना बनाकर उसके साथ शारीरिक संबंध बनाकर अपनी प्यास बुझाने में लगी हुई थी और इस बात का एहसास उसे जरा भी नहीं था कि एक दिन बाद उसकी बेटी का विवाह है और उसकी बेटी बहू बनकर इस घर से चली जाएगी वह तो अपनी ही दुनिया में मस्त हो चुकी थी,,,।

संजू और उसकी मामी

GIF-231002-164235.gif


देखते ही देखते घर के सभी लोग खाना खा चुके थे गाना बजाना की तैयारी हो चुकी थी,, जिस तरह की उत्सुकता संजू और लल्ली के अंदर थी,, इस तरह की तड़प इस समय साधना के मन में भी थी वह भी जल्द से जल्द गाना बजाना खत्म करके अपने कमरे में जाना चाहती थी अपनी चूत पर संजू के मुंह को जोर-जोर से रगड़ना चाहती थी,,,, क्योंकि जब से उसने इस बात को जान गई थी कि संजू इस खंडहर में अपने ही मामा की लड़की की जी भर की चुदाई करके आया है तब से उसकी चूत में चीटियां रेंग रही थी,,,, आखिरकार ढोलक की थाप शुरू हो गई और एक-एक करके सभी औरतें नाचने लगी कुछ औरतें गाना गा रही थी संजू उन लोगों से दूर बैठा छत की तरह देख रहा था लल्ली अभी भी नीचे कुर्सी पर बैठी हुई थी और मौका देख कर छत पर जाना चाहती थी,,, वह जानती थी की रात के समय छत पर कोई नहीं जाता,,, इसलिए संजू से मुलाकात के लिए छत से बेहतर जगह और कोई नहीं थी और वैसे भी कल उसकी शादी थी और कल के बाद में संजू से कभी नहीं मिल पाएगी इस बात को जानते हुए वह उससे मिलने के लिए तड़प रही थी,,,।

संजू अपनी मामी की चड्ढी उतरता हुआ

GIF-231002-164526.gif




संजू दूर कुर्सी पर बैठा उसकी तरफ ही देख रहा था और वह भी बार-बार उसकी तरफ ही देख ले रही थी संजू बार-बार इशारे से उसे छत पर जाने के लिए कह रहा था लेकिन सीढीओ के पास ही विवाह में आई हुई एक महिला बैठी हुई थी इसलिए लल्ली छत पर जाने से कतरा रही थी और उस महिला पर उसे बहुत गुस्सा भी आ रहा था,,,

एक-एक करके सभी महिलाएं डांस कर रही थी नाच रही थी गा रही थी खुद संजू की मां भी गांड मटका मटका कर नाच रही संजू गांव में पहली बार अपनी मां को नाचते हुए देख रहा था और नाचते हुए उसकी मां इतनी गजब की स्वर्ग से उतरी हुई अप्सरा दिखती थी कि कोई भी उसे समय उसकी मां को देख ले उसकी बड़ी-बड़ी गांड को मटकते हुए देख ले तो उसका लंड पानी फेंक दें,,, और यही दृश्य को देखकर खुद संजू का लंड खड़ा हो चुका था जबकि वह रोज अपनी मां की चुदाई करता था उसकी चूत पर संजू का ही नाम लिखा हुआ था उसके तन बदन पर संजू का ही ठप्पा लगा हुआ था फिर भी संजू का यह हाल था,,, अपने लंड की स्थिति को देखकर संजू अपने मन में सोच रहा था कि चलो अच्छा हुआ की पूरी तैयारी नहीं छत पर जाते ही लंड की सलवार खोलकर पीछे से चोदना शुरू कर देगा,,,।

लल्ली की माँ संजू से मजा लेती हुयी

GIF-231002-164822.gif


आखिरकार सीढी के पास बैठी महिला धीरे से खड़ी हुई और इधर-उधर देखते हुए लल्ली के पास गई,, और उससे बोली,,,।

अरे बेटी जब पड़े जोरों की पेशाब लगी है जाना कहां है,,,

अरे चाचा यह भी कोई पूछने की बात है घर के पीछे चली जाओ वहीं पर सब लोग जाते हैं,,,

ठीक है बेटी अच्छा हुआ कि तूने बता दी,,,(और इतना कहते हुए वह महिला घर के पीछे की तरफ जाने लगी और लल्ली संजू को इशारा करके सीढ़ी चढ़ने लगी,,,, यह देख कर संजू के चेहरे पर प्रसन्नता के भाव नजर आने लगे वह खुश होने लगा और लल्ली की तरफ देखने लगा कि यह लड़की कितनी चुदवासी हो गई है,,, देखते ही देखते लल्ली छत पर पहुंच चुकी थी और संजू उसे छत पर देख कर तुरंत अपनी जगह से खड़ा हुआ और इधर-उधर नजर घूमाकर सबसे नजर बचता हुआ सीढ़ी चढ़ना शुरू कर दिया,,,, देखते ही देखते वह भी छत पर पहुंच गया,,, लल्ली बड़ी बेसब्री से उसका इंतजार कर रही थी,,, संजू को देखते ही उसके चेहरे पर प्रसन्नता के भाव नजर आने लगे,,,। लेकिन तभी अपनी मां का ख्याल आते ही उसके चेहरे पर उदासी छा गई संजू को नहीं मालूम था कि वह छत पर उसे किस तरह की बात और किसके बारे में बात करने के लिए बुलाई है वह तो उतावला था एक बार फिर से एकाकार होने के लिए,,,, इसलिए वह तुरंत आगे बढ़ा और,, लल्ली को अपनी बाहों में भर लिया,,,,, और जैसे ही उसके होठों पर चुंबन करने के लिए वह अपनी होठ को आगे बढ़ाया वह तुरंत उसकी कैद से दूर होते हुए बोली,,,।

तुम्हें हर वक्त यही सुझता रहता है ना,,,,

लेकिन तुम्हीं ने तो मुझे छत पर बुलाई हो,,,

लेकिन किस लिए बुलाई हूं बीना जाने बस शुरू हो गए,,,

संजू और लल्ली की माँ

GIF-231002-164936.gif


तो किस लिए बुलाई हो,,,(हैरान होते हुए) अगर बात करने के लिए बुलाई हो तो वह तो नीचे भी हो सकती थी,,,

नहीं बिल्कुल भी नहीं हो सकती थी जिस तरह की बात में तुमसे करना चाहती हूं वह इस तरह से अकेले में ही हो सकता है,,,,

किस तरह की बात,,,,( संजू फिर से हैरान होता हुआ बोला)

मुझे कुछ समझ में नहीं आ रहा है कि मैं तुमसे कैसे कहूं मुझे उसे बारे में बात करने में भी शर्म महसूस हो रही है,,,

(संजू को ऐसा लग रहा था कि उसने जो कुछ भी खंडहर के अंदर की है शायद उसके चलते उसके मन में अपराध भाव पैदा हो रहा है इसलिए वह उसकी तरफ ध्यान से देखने लगा और वह संजू से नजर नहीं मिल पा रही थी अपनी नजर को इधर-उधर घूम कर उससे बात कर रही थी,,,)

आखिर हुआ क्या बताओगी,,,,

हुआ क्या जैसे कि तुम नहीं जानते,,,(थोड़ा गुस्सा दिखाते हुए) तुम्हें सब कुछ मालूम है,,,

अरे पगली हो तो तुम्हारा डर और दर्द दोनों दूर करने के लिए था,,,,

मैं उस बारे में बात नहीं कर रही हूं,,,(फिर से गुस्से में तेज बोलते हुए)

संजू की मामी

GIF-231002-165130.gif




तो किस बारे में बात कर रही हो कुछ कहोगी तब ना पता चलेगा,,,, ऐसा तो नहीं हम दोनों के बीच जो कुछ भी हुआ उसको लेकर तुम्हारे मन में कुछ गलत होने की भावना हो रही हो या ऐसा लग रहा हो कि ऐसा नहीं होना चाहिए था तो मैं तुम्हें सब बता दूं आज नहीं तो कल यह होना ही था मेरे से नहीं तो किसी और से अपने पति से ही लेकिन मैं पहले ही बता चुका हूं की सुहागरात की पहली रात को तुम्हें किस तरह के दर्द से गुजरना पड़ता तुम तड़पती चिल्लाती लेकिन कुछ कर नहीं पाती इसीलिए मैं तुम्हारा डर दूर करने के लिए यह सब किया हूं,,,

मेरी मां का भी डर दूर कर रहे थे,,,।

(उसकी यह बात सुनते ही संजु एकदम से चौंक गया और हैरानी से लल्ली की तरफ देखने लगा,,,, और थोड़ा रुक कर बोला,,,)

यह तुम क्या कह रही हो मेरी कुछ समझ में नहीं आ रहा है तुम्हारी मां का डर मेरा मतलब है कि मामी का डर किस बात का डर,,,

वही तो मैं तुमसे पूछना चाहती हूं मेरी तो सुहागरात होने वाली है इसलिए मेरा डर दूर कर रहे थे लेकिन मेरी मां का कौन सा डर दुर कर रहे थे,,,,

देखो लल्ली मुझे कुछ समझ में नहीं आ रहा है कि तुम क्या कह रही हो,,,।

संजू और लल्ली दोनों चाट पे

GIF-230930-161313.gif


तुम्हें सब समझ में आ रहा है तुम सब जानते हो बनो मत मैं सब अपनी आंखों से देख चुकी हूं,,,, खाना खिलाने के बहाने तुम्हें अपने कमरे में मेरी मां ले गई थी और वहां जो कुछ भी हुआ वह सब में अपनी आंखों से देख ली,,,।

(इतना सुनते ही संजू के चेहरे पर हवाईया उड़ने लगी वह समझ गया की लल्ली सब कुछ जानती है,,, वह हैरानी से उसके चेहरे की तरफ देख रहा था,,, जब उसे इस बात का एहसास हो गया कि उसके और उसकी बड़ी मामी के बीच जो कुछ भी चल रहा है इस बारे में लल्ली सब कुछ जान गई है तो फिर वह अपने आप को सहज करते हुए बोला,,,,,,)

देखो अब मैं तुम्हें कैसे समझाऊं,,, लेकिन मुझे पूरा यकीन है कि तुम समझ जाओगी,,,, मैं बात को ज्यादा घुमा फिरा कर नहीं सीधे बात करता हूं,,, लल्ली कल तुम्हारी शादी होने वाली है फिर तुम्हारी सुहागरात होगी अपने पति के साथ शारीरिक संबंध बना कर अपनी जिस्म की जरूरत को पूरी करती रहोगी,,,,

संजू चाट पर लल्ली की चुदाई करता हुआ

GIF-230930-161616.gif


तो इन सब से मेरी मां का क्या लेना देना है,,,

इन सब बातों से तुम्हारी मां का कुछ भी देना देना नहीं है लेकिन जरूर तुम दोनों की एक ही है तुम्हारी शुरुआत हो रही है और वह यह सब शुरू करके खत्म कर दी है लेकिन उनकी उम्र अपने शरीर की जरूरत को पूरी करने के लिए पूरी नहीं हुई है अभी वह पूरी तरह से जवान है यह बात तुम्हें तब पता चलेगी जब तुम खुद अपनी मां की उम्र की हो जाओगी और तुम्हारा पति जो मर्दाना ताकत को देगा तुम्हें खुश नहीं कर पाएगा बड़ी से तोंद निकली होगी और तुम्हारी जरूरत को समझ नहीं पाएगा तब तुम्हें इस बात का एहसास होगा कि तुम्हारी मां ने सही किया था या गलत,,,

(संजू की बात को सुनकर वह संजू की तरफ हैरानी से देखने लगी और संजू अपनी बात को आगे बढ़ाती हुए बोला,,,)

जिस तरह से हर इंसान को भूख लगती है और खाना खाने के बाद अपनी भूख को शांत कर लेता है इस तरह से मर्द की तरह औरतों के बदन में भी जिसम की भूख लगती है मर्द के साथ की जरूरत पड़ती है उसे भी संभोग करने की इच्छा होती है,,, अगर पति उसे लायक हो तो अपनी जरूरत पूरी कर लेती है लेकिन अगर पति उसे लायक ना हो तो ऐसे हालात में औरत या तो अपनी भावनाओं को मार कर घुटन भरी जिंदगी जीती है या फिर घर के बाहर कदम निकाल कर वह अपनी जरूरत को पूरी करना शुरू कर देती है लेकिन यह हकीकत है की औरतों की अपनी एक जरूरत होती है उनकी भी इच्छाएं होती है जो कि अपने परिवार के चलते उनकी जरूरत को मद्दे नजर रखते हुए अपनी जरूरत का गला घोट देती है,,, जिस तरह से मामी अपना जीवन जी रही थी,,,।

संजू और लल्ली

GIF-230930-161857.gif


नहीं ऐसा कुछ भी नहीं था मम्मी तो बड़े आराम से जीवन की रही थी बहुत खुश थी अपने जिंदगी में अपने परिवार से,,,,

लल्ली तुम बहुत होती हो तुम एक औरत के नजरिए से नहीं बल्कि एक बेटी के नजरिए से अपनी मां को देख रही हो लेकिन जब एक औरत के नजरिए से देखोगी तो तुम्हें उनका दुख नजर आएगा जो आईने में एकदम स्पष्ट हो जाएगा लेकिन एक औरत की तरह सोचने के लिए तुम्हें भी पूरी तरह से औरत बनना पड़ेगा तब जाकर तुम्हें अपनी मां का दर्द दिखाई देगा तुमने कभी अपनी मां को गौर से अच्छी होती ने रात सब की जरूरत को पूरी करने में लगा देती है किसी को पानी चाहिए किसी को खाना चाहिए किसी को क्या चाहिए नहाना है तो टावल लाओ साबुन लाओ पानी लाओ,,,, कोई घर में मेहमान आ गया तो उसकी जरूरत पूरी करो दिन-रात एक पैर पर खड़ी रहकर तुम्हारी मां काम करती थी सब की सेवा करती थी बदले में उसे कुछ नहीं चाहिए था बस थोड़ा सा अपने पति का प्यार चाहिए था जो कि वह भी तुम्हारे पापा नहीं दे सके तुमने कभी अपने पापा की तरफ अच्छी हो और अपनी मां को गौर से अच्छी हो तुम्हारी मां अभी भी पूरी तरह से जवानी से भरी हुई है लेकिन तुम्हारे पापा बूढ़े हो चुके हैं उन्हें मर्दाना ताकत मर्दाना जोश बिल्कुल भी नहीं है कि वह तुम्हारी मां को खुशी दे सके खुश कर सके बिस्तर पर संतुष्ट कर सके और यह बात तुम्हारी मन नहीं मुझसे बताई कि बरसों गुजर गए तुम्हारे पापा ने उनके बदन को हाथ तक नहीं लगाया है,,,,

संजू और लल्ली

GIF-230930-162001.gif


नहीं तुम झूठ कह रहे हो,,,,

मैं बिल्कुल सच कह रहा हूं क्या तुम्हें मेरे आने से पहले और मेरे आने के बाद का फर्क नहीं दिखाई दे रहा है अपनी मां में,,,, पहले तुम्हारी मां किस तरह से रहती थी और अब किस तरह से रह रही है कितना खुश है यह सब दिखाई नहीं दे रहा है,,,,, मैं तुम्हारी मां के अंदर की दबी हुई भावनाओं को बाहर निकाला हूं उन्हें जीना सिखाया हूं अपने लिए जीना सिखाया हूं,,,, वरना तुम्हारी मां तुम्हारी परिवार की जरूरत को पूरी करते-करते अपनी आशाओं को अपने अंदर सिमट के अपना जीवन गुजार देती क्या तुम्हें अपनी मां का यह रूप खिलखिलाता हुआ चेहरा अच्छा नहीं लग रहा है,,,।

(लल्ली संजू की बातों को बड़े गौर से सुन रही थी और उसे इस बात का एहसास हो रहा था कि वाकई में उसकी मां बहुत खुश रहती है सबसे हंसती है बोलती है सबसे अच्छी तरह से बात करती है और यह सब बदलाव आया हैं संजू से मिलने के बाद,,,, उसे भी इस बात का एहसास होने लगा था कि अगर वह संजू के कहे अनुसार एक औरत के नजरिए से अपनी मां को देखेगी तो शायद वह अपनी मां को गलत कभी नहीं ठहराएगी वाकई में उसके पापा उसकी प्यास बुझाने उसकी जरूरत को पूरी करने के काबिल बिल्कुल भी नहीं है क्योंकि दिन भर कुर्सी पर सिर्फ बैठे रहते हैं और रात को धीरे-धीरे जाकर बिस्तर पर लेट जाते हैं ऐसे में वह एक औरत की जरूरत को कैसे पूरा कर सकते हैं,,,, लेकिन तभी उसे कुछ याद आया और वह संजू की तरफ देखकर बोली,,,)

लल्ली

GIF-230930-162238.gif


चलो यह सब तो ठीक है लेकिन तुम बहुत गंदे हो,,,

मतलब,,,(संजू मुस्कुराते हुए बोला क्योंकि उसकी बात सुनकर उसे समझ में आ गया था कि सब कुछ सहज हो गया है,,,)

मतलब यही कि तुम जो बंदा कम मेरी मां के साथ करते हो वही काम तुम खुद की अपनी सगी मां के साथ करते हो और अपनी मौसी के साथ भी,,,।

(इस बार संजू एकदम से चौंक गया पल भर में उसके माथे से पसीना टपकने लगा आज तक जो राज राज था वह खुल चुका था लेकिन फिर भी उसे राज को राज रखने के लिए संजू तिकडम लगाते हुए बोला,,,)

यह तुमसे किसने कह दिया पागल हो गई हो क्या,,,?

लल्ली संजू को मस्त करती हुयी

GIF-231004-163755.gif


देखो अब मुझसे झूठ बोलने की कोशिश बिल्कुल भी मत करो जो कुछ भी है सच-सच बता दो मैं सब कुछ समझ गई हूं पहले तो मुझे समझ में नहीं आया था कि तुम्हारे कमरे से जिस तरह की आवाज आ रही थी उसे आवाज को मैं पहचानती नहीं थी लेकिन इस तरह की आवाज मैंने अपनी मां के मुंह से निकलते हुए सुनी थी और वह तुम्हारे साथ चुदवा रही थी,,,( लल्ली भी थोड़ा-थोड़ा खुल चुकी थी इसके लिए उसके मुंह से इस तरह के अश्लील शब्द निकल गए थे) याद है तुम्हें जब मैं दोपहर में चाय लेकर तुम्हारे कमरे के पास आई थी तो कुछ देर दरवाजे के पास ही खड़ी थी दरवाजा बंद था और अंदर से इसी तरह की आवाज आ रही थी जिस तरह से मेरी मां आवाज निकल रही थी और उसे आवाज को सुनकर तो उसे समय मुझे इस बात का एहसास ही नहीं हुआ कि अंदर कुछ गलत हो रहा है मुझे लगा कि शायद दर्द की वजह से इस तरह की आवाज आ रही है लेकिन,,,, अपनी मां के मुंह से इस तरह की आवाज सुनते ही मैं एकदम से चौंक गई मुझे यकीन नहीं हो रहा है कि एक बेटा खुद अपनी मां की चुदाई कैसे कर सकता है और अपनी मौसी की भी और वह भी एक ही कमरे के अंदर क्या समझे तुम एक साथ अपनी मां और अपनी मौसी दोनों को चोदते हो,,,,,

(लल्ली की बातों को सुनकर संजू पूरी तरह से हैरान हो गया था,,, वह उसकी बात को झूठा साबित करने के लिए कुछ भी बहाना बना देता लेकिन जिस तरह से उसने अंतिम शब्द चोदते हो बोली,,, उसे शब्द को सुनकर संजू का दिल आप आप हो गया और पूरी तरह से उत्तेजित हो गया और पल भर में ही सारा गणित उसके दिमाग में घूमने लगा वह जानता था कि अगर यह राज वाकई में वह जान भी गई है तो भी उसका कुछ बिगड़ता वाला नहीं था क्योंकि वह खुद उसे और उसकी मां को चोदता है और ऐस६ हालात में लल्ली यह बेवकूफी कभी नहीं करेगी कि वह इस राज को किसी को बता दे क्योंकि उसके खुद का राज फास होने का डर रहेगा,,,, इसलिए कुछ देर शांत रहने के बाद संजू बोला,,,)

लल्ली की छूट चाट टी हुआ संजू

GIF-231004-163627.gif


तुम्हारा सोचना बिल्कुल सही है मैं उसे दिन कमरे के अंदर अपनी मौसी और अपनी मां दोनों की चुदाई कर रहा था,,,

(संजू के मुंह से इस बात को सुनकर वह एकदम से चौंक गई और बोली)

संजू तुम्हें अपनी प्यास बुझाने था तो बाहर किसी का सहारा ले सकते थे लेकिन खुद की मां और खुद की मौसी,,,

क्यों अपनी मामी के साथ भी तो कर चुका हूं,,,, तुम अभी भी नहीं समझ रही हो जिस तरह से तुम्हारी मां को मेरी जरूरत है इस तरह से मेरी मां और मौसी को भी मेरी जरूरत का एहसास हो रहा था तुम जानती हो जिस तरह के हालात से तुम्हारी मां गुजर रही है इस तरह की हालत से मेरी मौसी और मेरी मां दोनों गुजर रहे हैं मेरे पापा लगभग 1 साल हो गए हैं वह घर पर नहीं आते और तो और घर पर रहने के बावजूद भी वह मां के साथ संबंध नहीं बनाते ऐसी हालत में मम्मी अपनी जरूरत पूरी करने के लिए मेरी तरफ झुक गई और यही हालत मौसी की भी थी मौसा जी तुम्हारे पापा की तरह ही दिन भर कुर्सी पर बैठे रहते हैं उनकी बड़ी सी तोंद निकली हुई है,,, और मौसी को तो तुम देख ही रही हो जवानी से भरी हुई है ऐसे में मौसा जी से कुछ नहीं होता और मौसी भी अपनी जरूरत पूरी करने के लिए मेरा सहारा लेने लगी और इसमें कोई हाई भी नहीं है अपने घर की बात नहीं बल्कि औरों के घर में भी यही सब चलता है बस बात बाहर नहीं आती,,,,।

(इस तरह की बातों का खुलासा सुनकर और इस तरह की बातों का असर लल्ली पर पूरी तरह से छाने लगा था ,,, नीचे अभी भी गाना बजाना हो रहा था और ऐसे माहौल में छत के ऊपर गहरे अंधेरे में एक जवान लड़का और एक जवान लड़की एक दूसरे से गंदी बातें कर रहे थे तो जाहिर सी बात थी कि ऐसे मौके पर दोनों का उत्तेजित होना निश्चित था संजू का लंड पूरी तरह से खड़ा हो चुका था,,,और लल्ली को खामोश देखकर वह समझ गया था कि पूरा मामला सिमट चुका है और हालात बिल्कुल काबू में है,,, इसलिए वह धीरे से आगे बढ़ा और उसका हाथ पकड़ कर अपनी तरफ खींचा और उसके लाल लाल होठों पर अपने होठ रख दिया,,,, संजू की तरफ से एकाएक हुई इस तरह के हरकत से लल्ली उत्तेजना से तिल मिला उठी,,, और उसकी सांसे गहरी चलने लगी संजू पागलों की तरह उसके लाल-लाल होठों का रसपान करने लगा और साथ ही अपने दोनों हाथों को उसके नितंबों पर रखकर दबाना शुरू कर दिया,,,, संजू की बाहों में वह मचलने लगी आनंद की फुहार उसकी चूत से टपकने लगी,,, संजू इस बात को अच्छी तरह से जानता था कि काफी देर से दोनों छठ के ऊपर बात कर रहे थे और नीचे गाना बजाना कभी भी खत्म हो सकता था इसलिए वह जल्दी बाजी दिखाना ही उचित समझा रहा था लेकिन इससे पहले वह लल्ली को पूरी तरह से गर्म कर देना चाहता था,,,।

लल्ली की मदमस्त गांड और संजू

GIF-231004-161243.gif


इसलिए वह तुरंत एक हाथ से अपने पेट का बटन खोलकर अपने पेट को घुटने पर सरकार दिया और अपने लंड को बाहर निकाल कर उसका हाथ पकड़ा और उसे अपने लंड पर रख दिया वह जानता था कि लल्ली का हाथ उसके नंगे लंड पर पढ़ते ही उसकी चुत पानी छोड़ने लगेगी,,, और ऐसा ही हुआ वह पूरी तरह से उत्तेजित अवस्था में अपनी मुट्ठी में कस के संजू के लंड को दबा दी,,,, दोनों पूरी तरह से गर्म हो चुके थे जितना उतावला संजू था उतनी ही उत्सुक लल्ली थी लंड को अपनी चूत में लेने के लिए,,,,,, हालात पूरी तरह से बेकाबू हुए जा रहे थे और माहौल पूरी तरह से गर्म चुका था संजू अपने दोनों हाथों को हरकत देता हुआ,,, लल्ली की सलवार की डोरी खोलने लगा जिसका विरोध वह बिल्कुल भी नहीं कर रही थी,,, उसके हाथ में अभी भी संजू का खड़ा लंड था जिसकी गर्माहट से उसकी चूत पिघल रही थी,,,, और उसके मुख से लगातार शिसकारी की आवाज फूट रही थी,,,,।

लल्ली की लेते हुए

GIF-231004-163755.gif


देखते ही देखते संजू जल्दबाजी दिखाता होगा लाल की सलवार को उसकी डोरी खोल कर दिल्ली कर दिया और फिर उसे नीचे करते हुए उसे घुटनों तक ले आया और फिर उसी तरह से चुंबन करते हुए ही वह धीरे-धीरे सामने की दीवार पर उसे सटा दिया और फिर पागलों की तरह उसके पूरे बदन पर चुंबनों की झड़ी बरसा दिया,,, संजू के इस तरह के प्यार पर वह पूरी तरह से पानी पानी हो गई,,,, संजू उसकी चड्डी के ऊपर से ही उसकी चूत को अपनी हथेली में दबोच ले रहा था,,,,, और उसकी चूत उत्तेजना के मारे कचोरी की तरह फुल चुकी थी संजू का बहुत मन कर रहा था कि कुछ देर तक वह उसकी चूत को चाटे लेकिन उसके पास समय नहीं था,,,, इसलिए वह तुरंत लल्ली के दोनों कंधों को पड़कर उसे दूसरी तरफ घुमा दिया और उसका मुंह दीवार की तरफ कर दिया,,, लल्ली दोनों हाथों से दीवार का सहारा लेकर खड़ी हो चुकी थी और संजू उसकी कमर में हाथ डालकर उसे अपनी तरफ खींचकर उसकी गांड को ऊपर की तरफ उठा रहा था,,,, देखते ही देखते संजू उसकी चड्डी को भी खींच कर उसके घुटनों से नीचे तक ले आया उसकी गोल-गोल गोरी गोरी गांड अंधेरे में भी चमक रही थी,,, जिसे देख कर संजू की आंखों में वासना की चमक नजर आ रही थी वह एकदम मदहोश हुआ जा रहा था और अपनी इच्छा की पूर्ति के लिए वह उसके गांड के दोनों फांकों को दोनों हथेलियां में भरकर उसकी तरफ झुका और सीधा अपने मुंह को उसकी चूत से सटा दिया और उसकी चूत चाटने लगा,,,,‌

लल्ली और संजू

GIF-231004-164027.gif


सससहहहहह की आवाज के साथ ही लल्ली नजर घुमा कर संजू की तरह देखने लगी और एक हाथ पीछे की तरफ लाकर उसके सर पर रखकर उसका हौसला बढ़ाने लगी,,, संजू के पास उसकी चूत चाटने का समय बिल्कुल भी नहीं था लेकिन फिर भी कल वह विवाह करके अपने ससुराल चली जाती है इसलिए वह अपने इस लालच को रोक नहीं पाया और पागलों की तरह उसकी रसीली चूत चाटना शुरू कर दिया जिसमें से लगातार मदन रस बह रहा था,,, संजू की हरकत पर वह भी पूरी तरह से मदहोश हो गई और अपनी गांड को गोल-गोल घूमाने लगी,,, कोई और पल होता तो शायद इस बारे में सोच कर अपनी हरकत के बारे में सोचकर लल्ली शर्म से पानी पानी हो जाती लेकिन मजा लेने के लिए उसकी इसी हरकत की जरूरत भी थी इसलिए वह पूरी तरह से मस्त होकर अपनी गांड को गोल-गोल घूम रही थी कुछ देर तक संजू इसी तरह से उसकी गांड को दोनों हाथों से पकड़ कर उसकी चूत का रसपान करता रहा और फिर धीरे से खड़ा हुआ और अपने लंड को हाथ में लेकर अपने मोटे तगड़े सुपाड़े को उसके गुलाबी छेद से टिकाया और हल्के से अपनी कमर की तरफ चलते हुए अपने लंड को उसकी चूत में प्रवेश करना शुरू कर दिया और देखते ही देखे उसका पूरा लंड लल्ली की चूत में समा गया था,,,,।

ऊममममम आहहहहह लल्ली तुम्हारी चूत बहुत मस्त है,,,,।

GIF-231004-164140.gif


सहहहह जल्दी करो संजू चोदो मुझे,,,आहहहहह मुझसे रहा नहीं जा रहा है,,,,आहहहहबह मेरी चूत बहुत पानी छोड़ रही है,,,,।

(उसके मुंह से इस तरह की गरमा गरम बातें सुनकर संजू एकदम मस्त हो गया उसे अपने कानों पर विश्वास नहीं हो रहा था वह भी एकदम मदहोश होता हुआ बोला,)

अभी लो मेरी रानी तुम्हारी इच्छा पूरी कर देता हूं,,,

(और इतना कहने के साथ ही वह अपनी कमर हिलाना शुरू कर दिया और उसे चोदना शुरू कर दिया उसे बहुत मजा आ रहा था उसका मोटा तगड़ा लंड रगड़ रगड़ कर उसकी चूत के अंदर बाहर हो रहा था,,, जिससे वह भी काफी उत्तेजित हो चुकी थी और खुद अपनी गांड को पीछे की तरफ ठेल रही थी,,, संजू उसकी चुदाई करते हुए यही सोच रहा था कि हर एक औरत में एक रंडी छिपी होती है बस उसे बाहर लाने की जरूरत होती है और वह लल्ली के अंदर छिपे रंडी पन को बाहर ला चुका था,,,, थोड़ी ही देर में दोनों एकदम मस्त होगी दोनों झड़ चुके थे और धीरे से अपने कपड़ों को दुरुस्त करते हुए छत से नीचे की तरफ देख तो सभी औरतें उठना शुरू कर दी थी और धीरे से यह दोनों भी सीधी से नीचे उतर गए,,, लल्ली तो चुदवाकर मस्त हो चुकी थी और थक भी चुकी थी लेकिन संजू अभी थक नहीं था क्योंकि उसे अपनी मौसी की प्यास बुझाना था,,,।)
 
लल्ली अपनी मां और संजू के बीच के अवैध रिश्ते की राजदार बन चुकी थी,,, और इस राज को भी जान गई थी कि संजू का खुद उसकी सगी मां और उसकी मौसी के साथ भी शारीरिक संबंध है दोनों को वह बराबर चोदता रहता है,,,‍ पहले तो लल्ली ,, संजू का उसकी खुद की मां और उसकी मौसी के साथ शारीरिक संबंध है इस बात को लेकर उसके मन में हैरानी हो रही थी लेकिन अपनी ही मन के साथ संजू के शारीरीक संबंध को लेकर उसके मन में गुस्सा भी था,,, लेकिन संजू ने बड़े ही चालाकी से औरत के मां का उदाहरण देकर उनकी जरूरत का वास्ता देकर लल्ली को अपनी बातों की जाल में फंसा लिया था और लल्ली भी उसकी बात को मान ली थी,,,, और इसके बाद छत पर ही दोनों शारीरिक सुख का आनंद लौटकर वापस नीचे आ गए थे,,,।

साधना

GIF-230909-154340.gif


संजू ने शादी के पहले ही लल्ली के साथ जी भर कर सुहागरात मना लिया था,,, लेकिन लल्ली के साथ के संबंध को लेकर संजू की मौसी को भी पता चल गया था ,,, वह भी संजू और लाली के बीच के रिश्ते की राजदार बन चुकी थी इसीलिए अपना मुंह बंद करने के लिए उसने संजू को गाना बजाना खत्म होने के बाद कमरे में बुलाई थी और यह भी हिदायत दी थी कि आज वह अपनी मां के बिस्तर पर नहीं बल्कि उसका खुद का बिस्तर गर्म करेगा,,,, जिसमें संजू को बिल्कुल भी परेशानी नहीं थी,,, उसकी तो दसों की 10 उंगलियां घी में थी,,,,, संजू धीरे से छत के नीचे आ गया था,,, धीरे-धीरे करके आस पड़ोस की औरतें अपनी जगह से उठकर अपने-अपने घरों की ओर जा रही थी और आपस में मजाक भी कर रही थी,,, तभी एक औरत संजू की मां से मजाक करते हुए बोली,,,,।

क्या दीदी तुम तो क्या नाचती हो ,,, तुम्हारी बड़ी-बड़ी गांड इतनी तेज हिलती है कि,, देखने वालों का तो लंड खड़ा हो जाता है,,, कसम से दीदी तुम बहुत खूबसूरत हो तुम्हारी गांड इतनी बड़ी-बड़ी है कि तुम्हें चोदने के लिए कम से कम गधे का लंड चाहिए,,,।

(जहां एक तरफ गांव की उसे औरत की बात सुनकर आराधना मन ही मन में मुस्कुरा रही थी वही गधे के लंड के बारे सोच कर ही वह शर्म से पानी पानी हो जा रही थी उसे औरत के मुंह से गधे के लंड का जिक्र सुनते ही उसे अपनी बेटे का लंड उसकी आंखों के सामने नाचता हुआ नजर आने लगा वह अच्छी तरह से जानती थी कि उसके बेटे का लंड गधे के लंड से कम नहीं था,,,,। इसलिए वह शर्मा कर बोली,,)

संजू और साधना

GIF-230909-154446.gif


धत् बेशर्म बिल्कुल भी शर्म नहीं आता थोड़ा अगल-बगल देखकर बोला करो,,,, देख नहीं रही हो मेरा बेटा सामने ही खड़ा है अगर वह सुन लिया तो,,,

तो क्या हो गया दीदी अगर सुन लिया तो आज की रात तुम्हारी सेवा करेगा जी भर कर ,,,,

(उसे औरत की इस तरह की बात सुनकर आराधना एकदम शर्म से लाल हो गई और शरमाते हुए उसे डपट लगाते हुए बोली,,,,)

धत् बदमाश तु नहीं सुधरने वाली,,,,

(आराधना और उसे औरत को ऐसा ही लग रहा था कि संजू को कुछ भी सुनाई नहीं दे रहा है लेकिन संजू उन दोनों की बातों पर ही कान लगाकर वहां खड़ा था और उस गांव वाली औरत की बात को सुनकर तो उसका लंड पूरी तरह से अपनी औकात में आ गया था,,,, संजू उसे औरत की बात को सुनकर अपने मन में सोचने लगी कि वह एक मां और बेटे के बीच के रिश्ते के बारे में इतना सहज होकर बोल रही है इसका मतलब है कि उसकी ही तरह ऐसे कई घर है जिनमें मां और बेटे के बीच इस तरह के संबंध स्थापित हो जाते हैं अगर ऐसा ना होता तो उस औरत के मुंह से इस तरह की बात ना निकलती,,,,,,, संजू वहीं कुछ दूरी पर खड़ा था पर तभी देखा कि उसकी मां और कुछ औरतें घर के सामने की तरफ जा रही थी संजू को कुछ समझ में नहीं आया कि इतनी रात को अंधेरे में वह औरतें वहां क्यों जा रही है और साथ में उसकी मां भी थी उसकी मौसी तो पहले से ही इशारा करके उसे कमरे में बुलाते हुए अपने कमरे में चली गई थी,,,,,,,।

साधना और संजू को च इस तरह से

GIF-230909-154554.gif


संजू की उत्सुकता बढती जा रही थी,,, उन औरतों में उसकी बड़ी वाली मामी उसकी बीच वाली मानी और उसकी खुद की मां और गांव की औरतें थी वह धीरे-धीरे उन औरतों के पीछे ही जाने लगा क्योंकि वह जानता था कि उसकी मौसी को तो वह कभी भी चोद सकता है और वह भी अपनी मां की आंखों के सामने,, इसलिए कोई दिक्कत नहीं थी वह सिर्फ यह देखना चाहता था कि यह औरतें जा कहां रही है,,, संजू भी धीरे-धीरे उन औरतों के पीछे-पीछे चल दिया वह औरतें कुछ ज्यादा दूर तक नहीं रही थी बस कुछ ही दूरी पर जंगली झाड़ियां से घिरा हुआ मैदान था वहीं पर जाकर रुक गई चांदनी रात थी इसलिए देखने में किसी भी प्रकार की दिक्कत महसूस नहीं हो रही थी,,, संजू एक बड़े से पेड़ की आड़ में छुप गया और उन औरतों को देखने लगा जिस तरह से सभी औरतें लाइन में खड़ी थी उन्हें देखकर संजू इतना तो समझ गया था कि यह औरत यहां क्या करने आई है लेकिन जिंदगी में पहली बार इतनी सारी औरतों को एक साथ देखकर उसके मन की उत्सुकता और एकाग्रता भी जवाब देने लगी,,,, वह सारी औरतें एक लाइन में खड़ी,,, उनमें से अपने घर की औरतों को संजु अच्छी तरह से पहचानता था,,, और चांदनी रात होने की वजह से उन्हें देखने में भी किसी प्रकार की दिक्कत पेश नहीं आ रही थी तभी उन औरतों में से एक बोली,,,।

संजू अपनी मौसी क साथ bist@r पर

GIF-230908-162757.gif


अरे जरा नजर घूमा कर इधर-उधर देख तो लो कहीं कोई देख तो नहीं रहा है,,,,।

(उसकी बात सुनते ही उनमें से दूसरी औरत बोली)

अरे पागल हो गई है क्या इतनी रात को भला कौन देखने आएगा,,,,

अरे तुम नहीं जानती मर्दों का कोई भरोसा नहीं है अगर उन्हें भनक लग जाए कि किसी औरत की गांड और चुत दीखने वाली है तो उन मर्दों की तो नींद ही उड़ जाए और वह किसी भी समय बस टकटकी बांधे देखते ही रहे,,,,(पहले वाली औरत बोली)

हम लोगों का तो ठीक है लेकिन हम लोगों में सबसे खूबसूरत बदन और सबसे खूबसूरत गांड तो आराधना की है अगर सच में इसे कोई मर्द देख ले तो बिना चुदाई के अपने आप को रोक नहीं पाएगा,,,,(उनमें से कोई और औरत बोली तो उसकी बात सुनकर आराधना मुस्कुराते हुए बोली)

साधना संजू क साथ मजा लेती हुयी

GIF-230908-163105.gif




क्या हो गया है तुम लोगों को आज देखो तो हर कोई मेरी गांड के पीछे पड़ा है,,, ऐसा कौन सा हीरा जवारत लगा है जो सब मेरे ही पीछे पड़ जाएंगे,,,,(आराधना अपनी गांड की खूबसूरती के बारे में सुनकर ईठलाते हुए बोली ,,,)

हीरा जावरात से मर्दों की भूख और प्यास शांत नहीं होती मेरी रानी उन्हें तो औरत की खूबसूरत गांड और इसकी खूबसूरत चुत चाहिए जो कि तुम्हारे पास बेशकीमती है,,,,

(इस बार संजू की बड़ी मामी ने बोली तो आराधना शरमाते हुए बोली)

क्या भाभी तुम भी शुरू पड़ गई,,,

मैं शुरू नहीं पड़ी बल्कि मैं हकीकत जानती हूं इसीलिए कह रही हुं ,,,,

चलो कोई बात नहीं यह नजारा कोई ना सही लेकिन जीजा जी और संजू ने तो जरूर देखा होगा क्योंकि औरतो के नंगे बदन को सबसे पहले घर में ही और घर के ही मर्द देख पाते हैं जाने अनजाने में ,,,,(उनमें से कोई एक औरत बोली,,, और इतना सुनकर आराधना के साथ-साथ संजू का भी दिल जोरो से धड़कने लगा,,,, संजू देखना चाहता था कि उसकी मां क्या जवाब देती है,,,, तभी कुछ देर सोचने के बाद शरमाते हुए बोली,,,)

साधना अपनी जवानी का जलवा बिखेरते हुए

GIF-230918-163911.gif


यह तो लोग भी आज कौन सी बातें करने लगे हो,,,, पति तो सब कुछ देख लेता है,,,,

और संजू,,,,, संजू ने भी तो बहुत कुछ देख लिया होगा,,,, भाई मैं तो झुठ नहीं बोलती,,, मेरे बड़े वाले बेटे ने तो मुझे पेशाब करते हुए देख ही लिया था,,,,,

अरे क्या बात कर रही है कैसे और कब,,,?(तभी उनमें से एक औरत उत्सुकता दिखाते हुए बोली,,)

अरे यार क्या बताऊं मेरी भी मति मारी गई थी दोपहर का समय था और घर पर कोई नहीं था,,, तभी मुझे बड़ी जोरों की पेशाब लगी और मैं खटिया पर से उठकर घर में ही बने छोटे से बर्तन धोने की जगह पर साड़ी कमर तक उठकर बैठ गई और मुझे क्या मालूम था कि दरवाजा खुला हुआ है और इस समय मेरा बेटा घर में आ गया और अच्छी तो वह मेरी तरफ देख रहा है और मैं उसकी तरफ मैं तो एकदम से घबरा गई और वह तो पागलों की तरह मुझे ही देखे जा रहा था,,,,

साधना पेटीकोट उतरती हुयी

GIF-230918-164022.gif


फिर क्या हुआ ,,,,?(तभी उनमें से एक महिला उत्सुकता दिखाते हुए बोली,,,)

अरे हुआ क्या मैं तो एकदम से घबरा गई थी मैं जोर से बोली तू यहां क्या कर रहा है तब वह एकदम से घबरा गया और घबराते हुए बोला कि मैं तो पानी पीने आया था और फिर मैं बोली जा बाद में आकर पी लेना लेकिन सच बताऊं ,,,मैं तुम लोगों से झूठ नहीं बोलुगी जब तक वह कमरे से बाहर नहीं चला गया तब तक वह मेरी गांड को ही देख रहा था,,,,

करता भी क्या बेचारा भले ही तुम्हारा बेटा था लेकिन था तो एक मर्द ही और मर्द की नजर हमेशा औरतों की गांड पर ही रहती है हर घर का यही हाल है,,,,।

(उसकी बात सुनकर सब औरतें जोर-जोर से हंसने लगी संजू की तो हालत खराब हुए जा रही थी और तो की बातों को सुनकर और यही हाल आराधना कभी था उसे औरत की बात सुनकर आराधना अपने मन में यही सोचने लगी कि शायद यह सब हर घर में होता है बस बाहर यह बात निकल नहीं पाती इसलिए उसे अपने और अपने बेटे के बीच के रिश्ते से गर्व महसूस होने लगा अपनी और अपने बेटे के बीच के अवैध संबंध को लेकर उसके मन में किसी भी प्रकार की ग्लानी नहीं थी वह अपने रिश्ते से बेहद खुश,, थी,,,)

संजू और साधना दोनों एक दूसरे से खेलते हुए.

GIF-230930-155337.gif


बस बस बहुत हो गया बहुत देर हो रही है चलो अपने अपने घर भी जाना है,,,,।

(और इतना कहने के साथ ही सबसे पहले उसे औरत ने अपनी साड़ी को ऊपर की तरफ उठाना शुरू कर दी और देखते-देखते वह अपनी साड़ी को कमर तक उठती थी सर्वप्रथम उन महिलाओं के झुंड में से संजू को इस औरत की गांड देखने को मिली थी क्योंकि चांदनी रात में भी चमक रही थी लेकिन कुछ ज्यादा उभार उसकी गांड में नहीं था लेकिन फिर भी देखने लायक थी,,, सबसे पहले उन औरतों में वही औरत पेशाब करने के लिए नीचे बैठ गई और उसे देखकर बाकी की सभी औरतें एक साथ अपनी सारी को पकड़ कर कमर तक उठा दी संजू की आंखों के सामने ढेर सारी गांड थी ,,, और वह भी एक से बढ़कर एक कुछ ज्यादा ऊपरी हुई कुछ सिमटी हुई कुछ गोल-गोल तो कुछ सुगठित मात्रा में लेकिन सभी की सभी गांड चोदने लायक थी जिनमें से कई औरतों की गांड तो संजू ने अपने हाथों में लेकर तब आया भी था उनसे खेल भी था और उनकी चूत में अपना लंड डाला भी था,,,।

संजू और साधना एक hi बिस्तर पे

GIF-231001-162224.gif


तकरीबन 5 मीटर की ही दूरी पर सभी औरतें बैठकर पेशाब कर रही थी जिंदगी में पहली बार संजू ने इतनी सारी औरतों को एक साथ पेशाब करते हुए देख रहा था चांदनी रात में उन औरतों की गोरी गोरी गांड चमक रही थी जिनमें से खुद उसकी बड़ी मामी उसकी बीच वाली मामी और उसकी मां की गांड भी थी,,,, लेकिन उन खूबसूरत गांड में से जो बेहद खूबसूरत आकर्षक गांड थी वह उसकी मां की थी उसे देखकर और उन औरतों की गांड से तुलना करके संजू को अपनी मां की गांड पर गर्व हो रहा था,,, और अब जाकर उसे इस बात का एहसास हो रहा था कि वह तो उसकी मां की गांड का दीवाना है ही लेकिन औरतें भी उसकी मां की गांड की आकर्षण में पूरी तरह से खो चुकी ,, थी,,,।

एक साथ कई औरतों की चूत से निकलने वाली सीट की आवाज संजू के कानों में पहुंच रही थी,,, जिसे सुनकर संजू की हालत खराब हो रही थी और उसका लंड पूरी तरह से अपनी औकात में आकर खड़ा हो चुका था उसका मन तो कर रहा था वह औरतों के पास चला जाए और बारी-बारी से सब की गांड में अपना लंड डालकर औरतों की गांड का मजा लूटे,,,,, लेकिन पेशाब करने के बाद जैसे ही वह औरतें खड़ी हुई संजू का वहां रुकना मुनासिब नहीं था इस बात को संजू अच्छी तरह से जानता था ,,, इसलिए संजू धीरे से अपने कदमों को पीछे लिया और अपने घर की तरफ चल दिया,,,,।

संजू और साधना

GIF-231001-162113.gif




कमरे में साधना बड़ी बेसब्री से संजू का इंतजार कर रही थी दरवाजा उसने खुला छोड़ रखी थी क्योंकि संजू और आराधना दोनों कमरे में आना बाकी थे वह मन ही मन अपनी भाभी को दिल से दुआ दे रही थी कि उन तीनों को रोकने के लिए उसने अलग कमरा दिया हुआ था जिसका वह तीनों भरपूर फायदा उठा रहे थे,,,, जैसे ही संजू कमरे में दाखिल हुआ,,,, साधना की नजर संजू का पड़ी और संजू को देखते ही उसके बदन में हलचल सी होने लगी वह एकदम से प्रसन्न हो गई और बोली,,,।

कितनी देर लगा दिया संजू कहां था तू मैं कब से तेरा इंतजार कर रही हूं,,,,

क्या करूं मौसी मेहमान इतने सारे हैं कोई ना कोई रोक ही लेता है,,,(इतना कहते हुए वह दरवाजा बंद कर रहा था की साधना बोले अरे दरवाजा क्यों बंद कर रहा है अभी तो तेरी मां आने वाली है,,,)

जानता हूं मौसी लेकिन अगर मम्मी की जगह कोई और आ गया तो गजब हो जाएगा और वैसे भी यह घर मेहमान से भरा पड़ा है कभी भी कोई भी आ सकता है,,,

साधना और संजू

GIF-230831-160906.gif




हां यह तु ठीक कह रहा है,,, बंद कर दी दरवाजा तेरी मां आएगी तब खोल देना,,,,।

(और संजू ने दरवाजा बंद कर दिया वह जानता था कि किसी भी वक्त उसकी मां कमरे में दाखिल हो सकती है लेकिन वह इस बात से भी बाकी था कि उसकी मां की जगह कोई और भी हो सकता है अगर किसी ने उसे और उसकी मौसी को संबंध बनाते हुए देख लिया तो गजब हो जाएगा हालांकि लल्ली तो सब कुछ जान ही चुकी है और उसकी कोई फिक्र भी नहीं है लेकिन अगर कोई मेहमान में से कोई आ गया तो लेने के देने पड़ जाएंगे,,,, इसीलिए संजू दरवाजा बंद करके अपनी मौसी की तरफ मुस्कुरा कर देखने लगा उसकी मौसी पीठ के बाल बिस्तर पर लेटी हुई थी उसकी छातियां ऊपर नीचे हो रही थी वह काफी उत्तेजित हो चुकी थी,,, अपनी शर्ट को उतारते हुए संजू मुस्कुराते हुए बोला,,,,

क्या बात है मौसी तुम तो आज पहले से ही तैयार हो बहुत चुदवासी नजर आ रही हो,,,,

क्या करूं मेरे राजा मेरी चूत तेरे लंड के लिए तड़प रही है आज मैं सिर्फ अकेले ही तेरे से चुदवाना चाहती हूं मैं चाहती हूं कि तो सिर्फ मेरा ध्यान दें,,,

बिल्कुल ऐसा ही होगा मौसी तुम बिल्कुल भी चिंता मत करो,,,,(इतना कहने के साथ ही संजु अपनी टी शर्ट उतार कर बिस्तर पर फेंक दिया,,,, इसकी चौड़ी छाती देखकर साधना की चूत फुदकने लगी,,,, उसके पेट में अच्छा खासा तंबू बना हुआ था जिसे देखकर साधना भी मुस्कुराते हुए बोली,,,,

तू भी तो बहुत जल्दी तैयार हो गया है ऐसा लग रहा है कि तुझे भी मुझसे मिलने की बहुत जल्दी थी,,,,

तो क्या मौसी मेरा मन कब से कह रहा था कि मैं जल्दी से कमरे में जाऊं और अपने लंड को तुम्हारी चूत में डालकर अपनी गर्मी शांत कर लु जब से तुमने मुझे कमरे में आने का न्योता दी हो तब से मैं तड़प रहा हूं तुम्हारे पास आने के लिए,,,

चल झुठा,,,, लल्ली की जवान चुत पाकार मत हो गया है भला मेरे में तुझे अब क्या मजा मिलेगा,,,

यही तो फर्क है मौसी जवान औरत में और जवान लड़की में जवान औरत में कुछ ज्यादा ही मजा आता है और जवान लड़किया कुछ ज्यादा नखरे दिखाती है,,, सच कहूं तो मौसी तुम्हारी चूत जितना मजा मुझे लल्ली की चूत में बिल्कुल भी नहीं आया,,,,,(और इतना कहते हुए अपने पेट का बटन खोलकर पेंट उतारने लगा और साथ में अपना अंडरवियर भी उतार कर कमरे में तुरंत नंगा हो गया उसकी मौसी अभी पुरे वस्त्र से लगी हुई थी और संजू पूरी तरह से नंगा हो चुका था जो की दिख रहा था कि वह कितना ज्यादा उतावला है अपनी मौसी के अंग में एकाकर होने के लिए,,,,, संजू का खड़ा लैंड देखते ही साधना के तन-बड़े में आग लग गई और वहां बिस्तर पर लेटे हुए अपना हाथ आगे बढ़कर संजू के लंड को पकड़ लिया और उसके लंड को पकड़ कर उसे अपनी तरफ खींचने लगी संजू जानता था कि उसकी मौसी क्या करने वाली है इसलिए तुरंत आगे कदम बढ़ाकर उसके करीब पहुंच गया और मुस्कुराते हुए अपनी मौसी की तरफ देखने लगा साधना धीरे से बिस्तर पर से उठकर बैठ गई और अपने लाल-लाल होठों को खोलकर संजू के लंड को अपने मुंह में लेकर चूसना शुरू कर दी ,,,, संजू पूरी तरह से मस्ती के सागर में गोते लगाने लगा वह हल्के-हल्के अपनी कमर हिलाना शुरू कर दिया आज बहुत दिनों बाद वह अकेले अपनी मौसी के साथ था वह अपनी मौसी को चोदना चाहता था,,,, इस बात को अच्छी तरह से जानता था कि जवान चूत से ज्यादा मजा एक परीपकव जवानी से भरी हुई औरत की चुत देती है,,,, इसलिए देखते ही देखते संजू अपने दोनों हाथों को नीचे ले जाकर साधना के दोनों खरबूजा को ब्लाउज के ऊपर से पकड़ लिया और यह जोर-जोर से दबाता हुआ अपनी कमर को आगे पीछे करके हिलना शुरू कर दिया,,,,।

संजू और साधना

GIF-230918-154236.gif


संजू के मोटे तगड़े लंड से साधना का मुंह पूरी तरह से भर चुका था,,, वह भी अपने मुंह को ही आगे पीछे करके संजू के लंड को अपने गले तक ले रही थी,,,। देखते देखते अपनी मौसी के ब्लाउज का बटन खोलने शुरू कर दिया और पल भर में ही अपनी मौसी के ब्लाउज के सारे बटन खोलकर उसके ब्लाउस को उसके बदन से अलग कर दिया और उसके लाल रंग की ब्रा के ऊपर से ही उसके दोनों दशहरे आम को दबाना शुरू कर दिया वह एकदम से मस्त हुए जा रही थी,,,, उसके मुख से गरमा गरम शिसकारी की आवाज आने लगी थी कुछ देर तक संजू इसी तरह से ब्रा के ऊपर से उसकी चूची को मसल रहा था दबा रहा था उसे खेल रहा था और फिर अपने दोनों हाथ को उसके पीछे की तरफ ले जाकर के उसके ब्रा का हुक खोलने लगा उसके बदन से ब्रा को भी अलग करके उसे कमर के ऊपर से पूरी तरह से नंगी कर दिया,,,,

साधना और संजू एक दूसरे को मजा देते हुए

GIF-230831-155054.gif


दोनों के बदन में पूरी तरह से मस्ती सवार हो चुकी थी संजू का लंड अभी भी साधना के मुंह के अंदर भरा हुआ था जिसे वह अंदर बाहर करके मजे ले रही थी कि तभी दरवाजे पर दस्तक होने, लगी,,,, दरवाजे पर हो रही दस्तक की आवाज को सुनकर दोनों की नजर दरवाजे पर पहुंच गई और साधना ही बोली,,,।

कौन है,,,?

अरे दीदी मैं हूं दरवाजा तो खुला रख दी होती,,,

(अपनी मां की आवाज सुनकर संजू मुस्कुराने लगा और अपने लंड को अपनी मौसी के मुंह में से बाहर खींचकर वहां नंगा ही दरवाजे की तरफ बड़ा और दरवाजे की कड़ी को खोलकर दरवाजा को खोलने लगा,,, दरवाजा के खोलते ही आराधना की नजर जैसे ही संजू पर पड़ी वह एकदम से चौंक गई संजू पूरी तरह से नंगा था उसका लंड एकदम से खड़ा था और उसके ऊपर थुक और लार सना हुआ था उसे समझते देर नहीं लगी कि उसकी गैर हाजरी में कमरे में क्या चल रहा था,,,, फिर भी वह कमरे में दाखिल होते हुए बोली,,,)

यह मेरी गैर हाजिरी में क्या चल रहा है,,,(तभी उसकी नजर बिस्तर पर बैठी हुई उसकी बड़ी बहन पर पड़ी तो उसकी आंखें फटी की फटी रह गई वह कमर के ऊपर पूरी तरह से नंगी थी आराधना कुछ बोल पाती ईससे पहले ही साधना बोल पड़ी,,,)

देख आराधना आज की रात में तेरे बेटे के साथ पूरी मस्ती करना चाहती हूं ,,,,,

अपनी मौसी की चुदाई करता हुआ संजू

GIF-230918-154441.gif


कोई बात नहीं मैं समझ गई है वैसे भी आज मैं थकी हुई हूं इसलिए मेरा ऐसा कुछ करने का विचार भी नहीं है,,,,(एक नजर अपनी बड़ी बहन पर तो दूसरी नजर संजू के ऊपर डालते हुए वह बिस्तर पर बैठ गई,,,, संजू बेझिझक हाथ में लंड लिए आगे बढ़ा और वापस अपनी मौसी के मुंह में डालकर अपनी कमर हिलाना शुरू कर दिया आराधना यह सब देखकर पूरी तरह से दंग रह गई थी वह अपने मन में सोचने लगी थी कि अब वह तीनों एक दूसरे के सामने कितना खुल चुके थे कोई भी पर्दा नहीं था कोई शर्म नहीं थी सब कुछ बेपर्दा हो चुका था और तीनों के तीनों बेशर्म हो चुके थे ,,,,, वाकई में आराधना पूरी तरह से थक चुकी थी क्योंकि कुछ देर में ही उसे नींद आने लगी और वह बिस्तर पर लेट गई संजू अपनी मौसी का दोनों हाथ पकड़ कर उसे बिस्तर पर से उठने लगा और उसे खड़ी करके उसे अपनी बाहों में भरकर उसके लाल-लाल होठों पर अपने होठ रखकर चूसना शुरू कर दिया साथ ही उसकी चूचियों को दबाना भी आरंभ कर दिया,,,,

साधना के बदन में सिहरन सी दौड़ रही थी संजू पूरी तरह से तैयार था वह आज अपनी मौसी की जमकर चुदाई करना चाहता था लेकिन इससे पहले वह अपनी मौसी के भजन से खेलना चाहता था इसलिए उसकी कमर में से साड़ी को बाहर निकलने लगा और देखते-देखते उसकी साड़ी को उतार कर नीचे जमीन पर फेंक दिया ,,, कमरे के अंदर वह केवल पेटीकोट में खड़ी थी और संजू उसकी पेटिकोट की डोरी को भी खींचकर उसकी पेटीकोट को नीचे गिरा दिया आश्चर्य के साथ संजू अपनी मौसी के नंगे बदन को देखने लगा क्योंकि पेटिकोट के अंदर उसकी मौसी चड्डी नहीं पहनी थी वह पूरी तरह से नंगी थी मानो कि पहले से ही तैयारी करके रखी हो और एक बार फिर अपनी मौसी को नंगी देखकर उसे अपनी बाहों में भर ले और उसके पड़ी पड़ी गांड पर दोनों हथेली रखकर दबाना शुरू कर दिया संजू का मोटा तगड़ा लंड बार-बार उसकी चूत पर दस्तक दे रहा था,,, जिस साधना अपने हाथों से पकड़ कर उसके सुपाड़े को अपनी चूत पर रगड़ रही थी,,, और गरमा गरम शिसकारी की आवाज निकाल रही थी,,,

कुछ देर इसी तरह से खड़े-खड़े अपनी मौसी को नंगे बदन से प्यार करने के बाद संजु उसे बिस्तर पर वापस लेता दिया और उसे पेट के बल लिटाकर उसकी बड़ी-बड़ी गांड से खेलना शुरू कर दिया,,,,, साधना पागल हुए जा रही थी वह पूरी तरह से मत हो गई थी उसके बदन में चार बोतलों का नशा छाने लगा था उसकी आंखें खुमारी में बंद होने लगी थी संजू उसकी गांड को लगभग चाट रहा था,,,,, अपनी मौसी की बड़ी-बड़ी गांड की दोनों फांको को अपने हाथों से अलग करके वह अपनी जीभ से उसकी चूत को चाटते हुए उसकी गांड के छोटे से भूरे रंग के छेद पर भी अपने जीभ रखकर चाटना शुरू कर दिया,,,, साधना के लिए यह अविश्वसनीय था अद्भुत था वह पूरी तरह से मस्त हो गई पहली बार वह किसी की जीभ को अपनी गांड के छेद पर महसूस कर रही थी वह पूरी तरह से मदहोश में जा रही थी उसकी चूत से लगातार मदन रस बह रहा था वह गांड के चाटने की वजह से और भी ज्यादा मस्ती के सागर में डूबती चली जा रही थी,,,, संजू को इस बात का एहसास अच्छी तरह से हो रहा था कि उसकी हरकत की वजह से उसकी मौसी का बदन कुछ ज्यादा ही हेलोरे मार रहा था ,,,, संजू की उत्सुकता बढ़ने लगी थी इसलिए वह अपनी एक उंगली को अपनी मौसी की गांड के छेद में डालने का प्रयास करने लगा लेकिन जैसे ही वह अपनी उंगली को अपनी मौसी की गांड के छेद में हल्का सा प्रवेश कराया उसकी मौसी एकदम से उछल पड़ी और नजर घूमाकर संजू की तरफ देखने लगी और बोली,,,

यह क्या कर रहा है संजू उसमें नहीं उसमें दर्द करता है,,,

एक बार कोशिश तो करनी तो मौसी धीरे-धीरे मजा आने लगेगा मैं भी सुना हुंकी औरतों की गांड मारने में बहुत मजा आता है ,,,,

नहीं नहीं आज तो बिल्कुल भी नहीं क्योंकि मैं इसके लिए तैयार नहीं हूं मुझे पता नहीं है कि यह कैसे किया जाता है क्योंकि इस बारे में मैंने कभी सोची ही नहीं,,, तु सिर्फ मेरी चूत पर ध्यान दें ,,,,।

(संजू की उत्सुकता और दिलचस्पी न जाने क्यों एकाएक अपनी मौसी की गांड के छेद में बढ़ने लगी थी लेकिन उसकी मौसी तैयार नहीं थी इसलिए वह बात को आई गई करके धीरे से अपनी मौसी की कमर में हाथ डालकर उसे ऊपर की तरफ उठाया और घोड़ी बना दिया और पीछे से अपने लंड को उसकी चूत में डालकर चोदना शुरू कर दिया,,, पहले धक्के से ही वह अपनी मौसी को पूरी तरह से पस्त कर दिया था वह झटके पर झटका मार रहा था,,, और उसकी मौसी आआहहह ऊहहह ऊहहह आहहहहह करके संजू के हर झटका का मजा लूट रही थी ,,,, कुछ देर तक घोड़ी बनने के बाद संजू अपने लंड को उसकी चूत से बाहर निकाला और उसे पीठ के बाल लाकर उसकी दोनों टांगों को उठाकर अपने कंधे पर रख लिया और उसे चोदना शुरू कर दिया उसकी मोटी मोटी जांघें संजू की जांघों से टकराकर एक अद्भुत संगीत पैदा कर रही थी,,,, साधना पूरी तरह से मस्त हुए जा रही थी संजू के मोटे तगड़े लंड को वह पूरी तरह से अपने बच्चेदानी पर महसूस कर रही थी,,, तकरीबन आधे घंटे की जबरदस्त चुदाई के बाद संजू और उसकी मौसी एक साथ झड़ने लगे,,, उसकी मौसी यही सोच रही थी कि आज रात भर संजू से जमकर चुदाई की लेकिन उसके बदन में भी थकान का एहसास हो रहा था कोई और समय होता तो शायद वह अपने इरादे को पूरा कर लेती लेकिन विवाह वाले घर में मेहमान बनकर आई थी इसलिए घर के कामकाज करने में थकान तो महसूस होनी ही थी इसलिए पहले की चुदाई में पूरी तरह से नंगी संजू को अपनी बाहों में लेकर नींद की आगोश में चली गई,,,।
 
बड़े लंबे इंतजार के बाद शादी का दिन आ चुका था,,,,,, आज लल्ली का विवाह था,,,, जिस दिन का उसे खुद बड़े बेसब्री से इंतजार था वहां दिन आखिर आ ही चुका था सुबह से ही घर में तैयारियां शुरू हो चुकी थी,,,, घर की सजावट में घर के लोग जुटे हुए थे,,,, कोई घर के आंगन को सजा रहा था तो कोई जिस रास्ते से घर की ओर बारात आनी थी वहां पर द्वार लगाकर उसे पर आशव पालो की पत्तियों के साथ-साथ पीले पीले फूल लगा रहे थे ताकि घर की शोभा बढ़ जाए,,,, मंडप वाले समियाना तान चुके थे,,,

जहां पर बैठकर विवाह संपन्न होना था उसे जगह के मंडप को कुछ ज्यादा ही सजाया जा रहा था छोटी-छोटी बत्तियों की लड़ी लगाई जा रही थी,,, फिर उसे जलाकर चेक किया जा रहा था की सभी बत्तियां जल रही हैं या नहीं जिनमें से कुछ बत्तियां नहीं चल रही थी और उन्हें मंडप वाला बना रहा था,,,

संजू अपनी माँ क साथ बिस्तर में

GIF-230831-165602.gif


घर के सभी सदस्यों के साथ-साथ संजू भी घर की सजावट में लगा हुआ था,,,,, वह भी दौड़-दौड़ कर सारे काम कर रहा था और सबके काम में हाथ बंटा रहा था,, हलवाई वैसे तो सारी मिठाइयां रात को ही बना लिया था लेकिन कुछ मिठाइयां रह गई थी जिसे वह बनाने में जुटा हुआ था बर्फी गुलाब जामुन जलेबी,,, लड्डू सब कुछ बनकर तैयार हो चुका था बस दूधी का हलवा बन रहा था,,,, जिसकी खुशबू चारों तरफ फैली हुई थी और खुशबू सही लग रहा था कि पकवान स्वादिष्ट बना हुआ है,,, शादी के बंदोबस्त को देखकर संजू के बड़े मामा बहुत खुश थे लेकिन बेटी का विवाह था इसलिए उनके चेहरे पर चिंता के भाव भी नजर आ रहे थे आखिरकार उनके घर में पहली शादी थी इसलिए वह चाहते थे कि सब कुछ कुशल मंगल से निपट जाए,,,,

संजू अपनी मामी क साथ

GIF-230905-163532.gif


देखते ही देखते शाम गुजरने लगी और बारात के आने का समय नजदीक आने लगा वैसे-वैसे घर की महिलाएं नहा धोकर तैयार होने लगी,,,, आराधना और साधना दोनों अपने कमरे में नहा कर आ चुकी थी और अपने बैग में से नई-नई सुंदर साड़ियां निकल रही थी उसी कमरे में संजू भी था वह भी तैयार होने के लिए आया था लेकिन वह जानता था की लड़की के विवाह में,,, और वह भी खास करके बहन के विवाह में भाई लोगों को ज्यादा सच में संवारने का समय नहीं मिलता क्योंकि बारातियों का ध्यान जो रखना पड़ता है दौड़-धूप कर काम जो करना पड़ता है सारे बंदोबस्त को देखना पड़ता है और यह जिम्मा संजू ने पर खूबी अपने कंधों पर उठा रखा था लेकिन,,, वह अपने मन में यही सोच रहा था कि लल्ली भले उसकी मां की लड़की है उसकी बहन है लेकिन जो मजा उसने अपनी विवाह के पहले उसे दी थी वह एक बीवी ही दे सकती थी संजू,,, लल्ली की कई हुई चूत का मजा पूरी तरह से ले चुका था और उसे अपने लंड की मोटाई से हल्का सा ढीला भी कर चुका था ताकि उसके पति का लंड उसकी चूत में आराम से चला जाए,,,,

संजू अपनी छोटी ममी क साथ

GIF-230828-163558.gif




कमरे में आते ही साधना और आराधना दोनों अपने बदन पर से पुरानी साड़ी को उतार कर पूरी तरह से नंगी हो चुकी थी और संजू की आंखों के सामने ही एक-एक करके अपने बदन पर कपड़े डाल रही थी जिसे देखकर संजू का लंड पूरी तरह से खड़ा हो चुका था,,, अपनी मां को चड्डी दोनों पैरों में डालकर उसे कमर तक खींचते हुए देखकर संजू अपनी मां की तरफ आए और अपनी मां की गोरी गोरी गांड पर चपत लगाते हुए बोला,,,।

सहहहह कसम से इतने दिनों से गांव में हूं लेकिन तुम्हारी जैसी गांड किसी की भी नहीं है मम्मी,,,, मन करता है कि तुम्हारी गांड मार लुं,,,

हाय दइया इसके बारे में सोचना भी नहीं तुझे अपनी छूट देती हूं यही बहुत है गांड का छोटा सा छेद में तुझे देने वाली नहीं हूं,,,,

हां हां तो सच कह रही आराधना तेरा बेटा तो पागल हो गया है छोटे से छेद के लिए कल मेरी गांड मारने पर उतारू हो चुका था वह तो बड़ी मुश्किल से इसे समझाइ,,,, अपने मोटे लंड को और हमारी गांड के छोटे से छेद को भी देखा नहीं है कि इतने से छोटे से छेद में मोटा लंड जाएगा कैसे,,,

साधना संजू की जवानी से खेलती हुयी

GIF-230905-160526.gif


क्या मम्मी और मौसी तुम दोनों पागल हो रही हो तुम्हें पता नहीं है शायद औरतों की गांड भी मारी जाती है उसमें इतना मजा आता है की पूजा मत मुझे भी मजा आएगा और तुम दोनों को भी मजा आएगा बस एक बार थोड़ा सा हिम्मत दिखा कर देखो,,,(अपनी मौसी की भी बड़ी-बड़ी गांड पर शपथ लगाते हुए संजू बोला ,,,तो आराधना बोली,,)

चल रहने दे अभी जो काम है उसे कर जल्दी से तैयार हो जा बारात आने वाली है और तुझे तो दूसरे काम भी देखना है और तू है की गांड मारने की बात कर रहा है,,,

क्या करूं मम्मी तुम दोनों की गांड है इतनी खूबसूरत की मारने का मन करता है,,,,।

(संजू का मन पूरी तरह से अपनी मां और मौसी दोनों की गांड के छेद पर टिका हुआ था वह अभी जल्दबाजी में था वरना इसी समय अपने मोटे खड़े लंड की गर्मी शांत कर लेता वह भी अपने कपड़े पहनकर तैयार हो चुका था और थोड़ी ही देर में कमरे से बाहर आकर वह काम में हाथ बंटाना शुरू कर दिया था,,,, और दूसरी तरफ लल्ली भी तैयार हो रही थी उसे गांव की लड़कियां उसकी सहेलियां तैयार कर रही थी तैयार होने के बाद वह स्वर्ग से उतरी हुई अप्सरा जैसी खूबसूरत लग रही थी जिसे देखकर वाकई में कोई भी मर्द पानी पानी हो जाता उसकी सहेलियां भी चुटकी लेते हुए बोली,,,)

संजू की जवानी से खेलती साधना

GIF-230906-161659.gif


हाय दइया देखो तो कितनी खूबसूरत लग रही है कसम से जीजा देखेंगे तो उनका तो देख कर ही पानी फेंक देगा,,,,

(संजू की संगत में लल्ली पानी फेंकने के मतलब तो समझ ही गई थी,,, इसलिए अपनी सहेली की बात सुनते ही उसके गाल शर्म से लाल हो गए और वह उसे डपट लगाते हुए बोली,,)

धत् कैसी बातें कर रही है तू,,,

अरे सही तो कह रही है लल्ली,,, तेरा रूप तेरी जवानी देख कर तो मुर्दों के लंड में भी जान आ जाए,,, देखना मुझे पूरा यकीन है तेरे सारे कपड़े उतार कर नंगी करने के बाद जीजा जी से रहा नहीं जाएगा और मुझे तो लगता है वह पहले धक्के में ही ढेर हो जाएंगे,,,

अरे सुभ सुभ बोलो हरामियों,,,(लड़कियों की बात सुनकर उनमें से एक शादीशुदा जो की लल्ली की ही सहेली थी वह बोली,,,) पहली बार चुदवाने जा रही है ठीक से करवा कर लेने दो तुम लोग तो उसे बद्दुआ दे रही हो कि पहले ही धक्के में ढेर हो जाएगा,,,, तू चिंता मत कर लल्ली,,, जीजा जी तेरा दो बार पानी निकालने के बाद ही खुद का पानी निकालेंगे,,,,।

तुम सबकी सब हरामि हो कोई ढंग की बात नहीं कर सकती,,,,

GIF-230828-163715.gif




अरे यह सब तो ढंग की ही बात है,,,,(उसकी सहेली का इतना कहना था कि आतिशबाजी की आवाज आने लगी बम फूटने का आवाज आने लगा और उन लोगों के चेहरे एकदम खुशी से खिल उठे वह लोग जान गए की बारात नजदीक में ही है इसलिए सभी एक साथ बोली,,,)

बारात आ गई,,,, चलो चलकर देखते हैं,,,(और इतना कहने के साथ ही उसकी सारी सहेलियां खिलखिला कर कमरे से बाहर जाने लगी उनमें से किसी को भी लल्ली रोकने की कोशिश कर रही थी लेकिन कोई रुकने को तैयार नहीं था क्योंकि गांव में अक्सर यही होता है जब भी गांव में बारात आती है तो दुल्हन की सहेलियां सबसे पहले दुल्हन को छोड़कर बारात देखने के लिए भागती है,,,,, वह उन लोगों को रोकते रह गई लेकिन कोई रोकने को तैयार नहीं था पल भर में ही कमरा पूरी तरह से खाली हो गया और वह आईने के सामने बैठकर अपने रूप को देख रही थी वह वाकई में बहुत खूबसूरत लग रही थी कि तभी उसे संजू की याद आ गई संजू के साथ बिताया हुआ पर उसे याद आने लगा संजू के मर्दाना ताकत को अभी भी अपने बदन में अपने दोनों टांगों के बीच की पतली दरार में महसूस कर पा रही थी,,, तभी उसे अपनी सहेली की कहानी बात याद आ गई कि पहले ही धक्के में ढेर हो जाएगा,,,, इस बारे में सोचकर ही उसके चेहरे पर उदासी छा गई और वह अपने मन में सोचने लगी की अगर वाकई में उसकी सहेली की कहानी बात सच हो गई तो उसका क्या होगा क्योंकि संजु के साथ चुदाई का मजा लूट कर इतना तो समझ ही गई थी की चुदाई जितना ज्यादा देर तक चलती है उतना ज्यादा मजा आता है और पहले धक्के में तो कुछ भी समझ में नहीं आएगा और अगर ऐसा हो गया तो फिर रात करवटें बदलते हुए निकल जाएगी,,, इस बारे में सोचकर वह हैरान हो गई थी लेकिन तभी उसके मन में यह ख्याल आने लगा कि कहां से उसका पति संजू ही होता तो कितना मजा आता जिंदगी कितनी आराम से कट जाती उसकी बाहों में रोज रात को चैन से सोती,,, फिर उसके मन में ख्याल आया कि अगर संजू उसका पति होता तो रात भर सोने कहां देता और यह ख्याल आते ही उसके चेहरे पर मुस्कान बिखर गई,,, वह आईने में देख कर अपनी मुस्कुराते हुए चेहरे को देख रही थी लेकिन फिर उसे ख्याल आया कि आज तो वह विवाह करके किसी दूसरे के घर चली जाएगी संजू से अब मुलाकात होगी भी कि नहीं होगी इस बारे में उसे भी नहीं पता था,,,, वह इन खयालों में कोई ही थी कि दरवाजे पर दस्तक हुई,,,।

1696179696-picsay.jpg


लल्ली पीछे मुड़कर देखी तो संजू दरवाजे पर ही खड़ा था दरवाजा खुला हुआ था फिर भी वह दरवाजे पर दस्तक दे रहा था,,, लल्ली उसे देखकर एकदम खुशी से झूम उठी और अपनी जगह से उठकर लगभग भागते हुए उसके पास गई और उसे गले से लग गई,,, लल्ली की हरकत और हिम्मत देखकर संजू हक्का-बक्का रह गया वह तुरंत दरवाजे को बंद कर दिया क्योंकि ऐसी हालात में कोई भी वहां आ सकता था,,,,,, संजू भी उसे बाहों में लेकर उसकी पीठ को सहलाने लगा था,,,, और तभी उसे एहसास हुआ कि वह सुबक कर रही थी रो रही थी,,, संजू तुरंत उसकी दोनों बांहों को पकड़कर उसे अपने ठीक सामने कर लिया और उसकी आंखों में देखते हुए बोला,,,)

अरे यह क्या तुम दुल्हन बनी हो और रो रही हो,,, ऐसे में रोना ठीक नहीं होता तुम्हारा मेकअप खराब हो जाएगा,,,,।

(इतना सुनकर वह गुस्से में संजू की तरफ देखने लगी,,, तो संजु बोला,,)

अरे नाराज क्यों होती हो तुम तो बिना मेकअप के भी स्वर्ग से उतरी हुई अप्सरा लगती हो,,,,।

(संजू जानता था कि इतने दिनों में दोनों बहुत करीब आ चुके थे दोनों के मन में एक दूसरे के लिए प्यार पनप चुका था और इसीलिए वह रो रही थी लेकिन इस बात को वह ज्यादा तूल देना नहीं चाहता था इसलिए बोला,,,)

1696524585-picsay.jpg


आज तुम्हारी शादी है और हां तुम्हारी शादी के लिए मैंने ब्रा और पेटी खरीद कर दिया था जालीदार वह पहनी हो कि नहीं,,,

(इतना सुनते ही वह शर्म आ गई और इशारे में ही ना में सिर हीलाने लगी,,, उसका जवाब सुनते ही संजू बोला)

अरे यार यह क्या बात हुई तुम्हारे लिए मैं इसी दिन के लिए खरीदा था और तुम हो कि आज के दिन ही उसे नहीं पहनी हो अरे पागल आज के दिन उसे पहनोगी तो कल जब तुम्हारा पति तुम्हारे कपड़े उतरेगी तो तुम्हारी जालीदार पेंटी और चड्डी दोनों देखकर पागल हो जाएगा,,,,

(इतना सुनकर लल्ली बोली,,,)

ब्रा पहनी हु लेकिन वह नहीं पहनी,,,,

(इतना सुनकर संजू हैरानी में बोला,,,)

अरे पागल उसे भी तो पहनना था,,,, फिर क्या पहनी उसकी जगह,,, लाओ दिखाओ तो,,,(इतना कहने के साथ ही संजू अपने हाथों से उसकी साड़ी पकड़ लिया और उसे धीरे-धीरे ऊपर की तरफ उठने लगा लेकिन लल्ली उसे रोकने की बिल्कुल भी कोशिश नहीं कर रही थी लेकिन उसकी इस हरकत से उसके बदन में अजीब सी हलचल होने लगी थी देखते-देखते संतोष की साड़ी को कमर तक उठा दिया था और उसने देखा कि,,, लल्ली ने एक साधारण सी आसमानी रंग की चड्डी पहनी हुई है जिसे देखते ही वह बोला,,,)

बाप रे यह क्या करी तुमने इतनी खूबसूरत खजाने को मामूली से कपड़े के अंदर ढक कर रखी हो ,,,, लाओ उतारों ईसे,,,

संजू और उसकी ममी

GIF-231019-160545.gif


तुम खुद ही उतार लो,,,,।

(लल्ली के मुंह से इतना सुनते ही संजू उत्सुकता बस उसकी आंखों की तरफ देखने लगा दोनों एक दूसरे को ही देख रहे थे दोनों की नजर आपस में टकराई और दोनों के चेहरे पर मुस्कुराहट तैरने लगी,,, संजू समझ गया था अब देर करना बिल्कुल भी उचित नहीं था समझो दोनों हाथों से उसकी छुट्टी को पड़कर उसे उतारना शुरू कर दिया एक खूबसूरत जवान लड़की के बदन से उसकी चड्डी उतरना भी बड़ी किस्मत की बात होती है और इस समय किस्मत वाला था संजू जो उसकी चड्डी उतार रहा था जबकि यह काम सुहागरात को उसके पति को करना था और उससे पहले संजू ही उसका पति बन बैठा था,, संजू धीरे-धीरे उसकी चड्डी को उसके पैर के नीचे तक ले आया जिसे वह खुद अपने पर एक-एक करके उठाकर अपनी चड्डी को अपने पैर में से बाहर निकाल दी और संजू उसे आसमानी रंग की चक्की को एक तरफ रखते हुए सबसे पहले तो उसकी चिकनी चूत को देखने लगा जो कि ऐसा लग रहा था कि कुछ देर पहले ही क्रीम लगाकर उसने साफ किया था,,,, संजू से रहने की और वहां सीधा अपने चेहरे को उसकी दोनों टांगों के बीच लेकर और अपनी नाक उसकी चूत पर लगाकर उसकी मादक खुशबू को अपने अंदर खींचने लगा,,

संजू और उसकी ममी

GIF-231019-160545.gif


ऊऊमममममम,,,,आहहहहहहहब ,,,

(संजू की हरकत की वजह से लल्ली के बदन में कसमसाहट बढ़ने लगी,,,, संजू अच्छी तरह से जानता था कि दोनों के पास समय बहुत कम है इसलिए वह लल्ली से बोला,,)

दूसरी चड्डी कहां है,,,?

अलमारी में,,,,,

लो तब तक इसे पकड़ कर रखो,,,(इतना कहते हुए संजू उसकी साड़ी को कमर तक उठाए हुए उसके हाथों में पकड़ा दिया और भाभी बड़े आराम से अपनी साड़ी को कमर तक उठाएं पड़ी रहेगी और संजू तुरंत अलमारी की तरफ आगे पड़ गया बाहर आतिशबाजी खिड़की से दिखाई दे रही थी बम पटाखों की आवाज सुनाई दे रही थी धीरे-धीरे बारात करीब आती जा रही थी इसलिए जल्दबाजी दिखाते हुए संजू तुरंत अलमारी खोला और उसमें से अपनी द्वारा खरीदी गई लाल रंग की जालीदार पेंटिं को बाहर निकाल लिया,,,, और अलमारी बंद करके लाल रंग की चड्डी को लेकर वह तुरंत लल्ली के पास पहुंच गया,,,, उसे चड्डी पहनने से पहले एक बार फिर से वह उसके खूबसूरत चेहरे को देखने लगा दोनों की नजर आपस में टकराई,,, फिर एकाएक संजू के बदन में जोश बढ़ गया और वह तुरंत जल्दी का हाथ पकड़ कर उसे अपनी तरफ खींच उसके लाल-लाल होठों को अपने होठों में भरकर उसके होठों का रसपान करने लगा,,,,,।

संजू और उसकी ममी

GIF-231019-154740.gif


संजू पूरी तरह से जल्दबाजी दिखाता हुआ उसे हाथ पकड़ कर खिड़की के पास लेकर खिड़की पूरी तरह से खुली हुई थी लेकिन वह जानता था कि बाहर से भी खिड़की पर कोई देख नहीं पाएगा,,,, इसलिए संजू थोड़ा सा दूरी बनाकर उसे खिड़की के पास खिड़की के दोनों पल्लू को पकड़ कर खड़ी कर दिया और फिर वापस उसकी साड़ी कमर तक उठा दिया,,,, लल्ली भी समझ गई थी कि उसे क्या करना है इसलिए वह भी तुरंत अपनी गांड को ऊपर की तरफ उठाकर हल्के से झुक गई ताकि संजू आराम से उसकी चूत में अपना लंड डाल सके और ऐसा ही हुआ संजू जल्दबाजी दिखाते हुए अपने पेंट में से अपने लंड को बाहर निकाला जो की पूरी तरह से खड़ा हो चुका था,,, और सीधे उसकी चूत में प्रवेश कर कर उसे चोदना शुरू कर दिया वह पागलों की तरह उसकी चुदाई कर रहा था यह जानते हुए की कुछ ही देर में वह दुल्हन बनी विवाह के मंडप में बैठने वाली है लेकिन,, उसकी जवानी का मजा उसका पति ले पाता इससे पहले ही वह उसकी जवानी से खेलना शुरू कर दिया था अब वह अपने पति के हाथों में जूठन बनकर जाने वाली थी,,,,,

अपनी ममी की चुदाई करता हुआ संजू

GIF-231019-152706.gif


लल्ली भी अपने विवाह से पहले इस तरह की चुदाई से पूरी तरह से रोमांचित हो उठी थी वह खिड़की से बाहर देख रही थी आतिशबाजी वहां हो रही थी मेहमान नीचे खड़े होकर बारात का इंतजार कर रहे थे काफी भी लगी हुई थी किसी का भी ध्यान खिड़की की तरफ नहीं था और वह खिड़की पकड़ कर चुदवा रही थी,, तभी लल्ली की मा यह देखने के लिए आई कि वह तैयार हुई है कि नहीं और सीधे उसके कमरे की तरफ आगे की दरवाजा बंद होने से उसे थोड़ा अजीब लगा लेकिन वह जानती थी कि उसकी सारी सहेलियां बारात देखने के लिए चली गई होगी और इस समय वह कमरे में ही होगी लेकिन वह कुछ बोल पाती से पहले ही उसकी नजर खिड़की पर गई जो कि हल्की सी खुली हुई थी,,, और यह देखकर वह खिड़की के पास गई और जैसे ही अपनी नजर कमरे के अंदर प्रवेश कराई अंदर का नजारा देकर उसके होश उड़ गए उसकी आंखें फटी की फटी रह गई,,,,।

संजू और लल्ली

GIF-231019-155108.gif


वह साफ देख पा रही थी की दुल्हन बनी उसकी बेटी खिड़की पकड़ कर अपनी गांड पीछे से ऊपर की तरफ उठाई हुई है और उसकी साड़ी कमर तक उठी हुई है और संजू उसकी कमर को दोनों हाथों से पकड़ कर अपने लंड को उसकी चूत में डालकर उसकी चुदाई कर रहा है यह नजारा उसके लिए भी बेहद आघात जनक था उसे उम्मीद नहीं थी कि उसकी बेटी इस तरह की हरकत करेगी वह अपनी आंखों से इस नजारे को देख रही थी संजू बड़े जोर-जोर से धक्के लगा रहा था उसकी बेटी के मुंह से गरमा गरम आहे निकल रही थी,,, उसे अपनी आंखों पर भरोसा नहीं हो रहा था,,, लेकिन जो कुछ भी वह देख रही थी वह हकीकत था,,, उसे आज अपनी बेटी का नया रूप देखने को मिला था जिसे वह सीधी शादी एक संस्कारी लड़की समझती थी आज उसकी आंखों के सामने ही सारे संस्कार को मर्यादा को एक तरफ रखकर जवानी का मजा लूट रही थी और वह भी अपने ही भाई के साथ,,,,।

इस शर्म नाक नजारे को देखकर उसके मन में आया कि वह कर से चिल्लाए लेकिन वह अपने आप को रोकी रह गई क्योंकि उसकी बेटी का विवाह होने वाला था कुछ ही देर में वह दुल्हन बनी किसी और की हो जाने वाली थी और ऐसे में वह अपने बेटी को किसी तरह से दुख देना नहीं चाहती थी,,,, वह वहां से अपने कदम पीछे हटा लेना चाहती थी लेकिन वह चाहती थी कि इस शर्मनाक हरकत को कोई और ना देख लिए इसलिए धीरे से खिड़की के पल्लू को अपने हाथों से ही बंद करके एक तरह से अपनी बेटी का साथ देने लगी थी और वहां से दबे पांव पीछे हट गई थी तब तक संजू का काम हो चुका था संजू अपने मामा की लड़की की मस्त मस्त जवानी का रस पी चुका था,,,,

संजू और उसकी ममी

GIF-231018-160839.gif




जवानी का नशा उतरने के बाद संजु जल्दबाजी दिखा ता हुआ अपने द्वारा खरीदी गई लाल रंग की चड्डी अपने हाथों से दुल्हन को पहनाया और उसके बाद उसे गले लगा कर उसके होठों पर चुंबन करते हुए बोला,,,।

खूबसूरत रात और तुम मुझे जिंदगी भर याद रहोगी,,,

तुम भी मुझे जिंदगी भर याद रहोगे संजु,,,(इतना कहते हुए उसकी आंखों में आंसू आ गए ,,,। संजू का वहां रुकना अब ठीक नहीं था वहां जल्दी से कमरे से बाहर निकल गया तब तक बारात आ चुकी थी और फिर वह बारातियों के स्वागत में जुट गया,,,, विवाह का कार्यक्रम रात भर चला सुबह जल्दी ही विदाई हो गई,,, लल्ली अपनी मां के गले लग कर फुट फुट कर रो रही थी,,, अपनी बेटी की विदाई का गम उसे भी था लेकिन रात को जो उसने अपनी आंखों से देखी थी वह उसकी जेहन से बिल्कुल भी निकल नहीं रहा था वह जल्दी से जल्दी इस बारे में संजू से बात करना चाहती थी और फिर दोपहर को उसे मौका मिल ही गया संजू से बात करने का,,,)
 
लल्ली की विदाई हो चुकी थी,,,, दोपहर का समय होने की वजह से और रात भर की थकान की वजह से घर के अधिकतर लोग आराम कर रहे थे वालों को अपनी-अपने कमरों में चैन की नींद सो रहे थे रात भर की थकान को दूर कर रहे थे और संजू के बड़े मामा जी हिसाब किताब में व्यस्त थे और इसी मौके का लाभ लेकर संजू की बड़ी मम्मी संजू को इशारा करके अपने कमरे में आने के लिए बोली संजू तो अपने बड़े मामी के इशारे को पाकर एकदम खुश हो गया,,,, वैसे तो संजू के लिए यह कोई बड़ी बात नहीं थी लेकिन संजू का जोश उसे समय और ज्यादा बढ़ जाता था जब वह खुद आगे ना चलकर कोई औरत खुद उसे अपनी तरफ आने के लिए आमंत्रित करती थी और ऐसा ही इस समय हो रहा था इसलिए वह कुछ ज्यादा ही उत्सुक को जोश से भर चुका था,,, क्योंकि उसे औरतों के इस हरकत की वजह से इस बात का अंदाजा लग जाता था कि वह कितनी ज्यादा चुदवासी है,, और वैसे भी वह अपनी बड़ी मामी के चरित्र को अच्छी तरह से देख चुका था एक बार मर्यादा की दीवार लांघने के बाद वह बार-बार उस दीवार को गिरा दे रही थी,,, यहां तक की संजू की बड़ी वाली मामी में बिल्कुल भी सब्र नहीं हो रहा था तभी तो बात दोपहर के समय उसे खाना खाने के बहाने अपने कमरे में ले गई थी और इस समय अपनी मां की कम लीला को खुद लल्ली ने अपनी आंखों से देख ली थी,,,।

संजू अपनी मामी के साथ

GIF-231020-155803.gif


दुल्हन की विदाई के बाद से ही टेंट वाले धीरे-धीरे सारे टेंट को उतार रहे थे पिछली रात में जो घर की शोभा बढ़ा रहे थे अब पूरी तरह से उजड़ा हुआ नजर आ रहा था मिठाई वाला लाइट वाला सब कोई अपना हिसाब करने के लिए,,, घर के बाहर बड़े से पेड़ के नीचे बैठे हुए थे और संजू के बड़े मामा हिसाब करके सबका किराया चुका रहे थे,,, संजू की मां और उसकी मौसी खुद अपने कमरे में आराम कर रही थी क्योंकि वह दोनों भी सुबह तक जाग रही थी जब तक की विदाई नहीं हो गई उसके बाद से बात तुरंत अपने कमरे में गई और तब से घोड़े बेचकर सो रही थी वैसे तो संजू के बदन में भी थकान महसूस हो रही थी लेकिन वह तो इस तरह के मौके का फायदा उठाना चाहता था इसलिए अपनी मामी का इशारा बातें ही सबसे नजर बचाकर वह धीरे से अपने मामी के कमरे की तरफ चला गया और देखते ही देखते वह अपनी मामी के कमरे के सामने जाकर खड़ा हो गया,,,,।

संजू अपनी मामी की चूची का रसपान करता हुआ

GIF-231020-155904.gif


कमरे का दरवाजा खुला हुआ था निश्चित तौर पर उसकी मामी ने दरवाजा खुला छोड़ रखी थी और जैसे ही वह हल्के से दरवाजा खोलकर अंदर की तरफ देखा तो उसकी मामी बिस्तर पर बैठी हुई थी लेकिन वह इस बार संजू की तरफ नजर उठाकर नहीं देखी,,,, संजू को इसमें बिल्कुल भी अचरज नहीं हुआ वह धीरे से कमरे में प्रवेश किया और अपने हाथों से दरवाजा बंद करके उसकी कड़ी लगा दिया वह ऐसा ही सोच रहा था कि शायद उसकी बड़ी मामी शर्म महसूस कर रही होगी इस बात से की अभी-अभी अपनी बड़ी लड़की की विदाई करके आई है और रात भर की थकान दूर भी नहीं हुई कि चुदवाने के लिए तैयार हो गई है,,,, दरवाजा बंद करके संचित तुरंत अपनी बड़ी मामी के पास पहुंच गया और उसके करीब जाते ही पल उसके ऊपर से ही उसकी चूची पकड़ कर दबा दिया लेकिन इस बार उसकी मामी उसका हाथ पकड़ कर दूर झटक दी अपनी मामी का व्यवहार उसे कुछ समझ में नहीं आया तो वह आश्चर्य से अपनी मामी की तरफ देखने लगा और बोला,,,।

अब क्या हो गया तुम ही ने तो बुलाई और तुम हो मेरा हाथ दूर कर रही हो,,,

संजू अपनी मामी की चूत और चूची दोनों से खेलता हुआ

GIF-231020-160009.gif




तुझसे यहां चुदवाने के लिए नहीं बुलाई है मुझे तुझसे बात करना है,,,

मुझे लेकिन किस बारे में,,,(इतना कहने के साथ ही संजू उसके बगल में बैठ गया कोई और समय होता तो संजू की मामी उसके इस तरह से उसके बगल में बैठने से पूरी तरह से उत्तेजित हो जाती रोमांचित हो जाती है उसकी चूत से पानी निकलने लगता लेकिन वह अपनी बेटी के बारे में बात करना चाहती थी इसलिए उसके चेहरे पर गुस्सा साफ नजर आ रहा था और उसके बदन में जरा भी उत्तेजना का एहसास नहीं था,,,, कुछ देर तक कमरे में खामोशी छाई रही संजू की मामी शून्य मनस्क होकर जमीन की तरफ देख रही थी,,, उसे कुछ समझ में नहीं आ रहा था की बात की शुरुआत कैसे करें लेकिन बात तो करनी जरूरी थी क्योंकि रात को जो कुछ भी उसने देखी थी वह कभी सपने में भी नहीं सोच सकती थी कि उसकी लड़की इस हद तक नीचे गिर जाएगी और वह भी अपनी ही शादी के दिन बारात द्वार पर खड़ी थी और वह अपनी प्यास बुझा रही थी ऐसी क्या आग लग गई थी वह ना दीन देख रही थी ना रात देख रही थी,,,, क्योंकि वह अच्छी तरह से जानती थी कि उसकी लड़की इस तरह के चरित्र की बिल्कुल भी नहीं थी तो उसमें ऐसा बदलाव आया कैसे,,,, यही सब सवाल उसके मन में बवंडर की तरह उठ रहे थे जिसका जवाब केवल संजू ही दे सकता था,,,, कुछ देर की खामोशी के बाद संजू ही इस खामोशी को तोड़ते हुए बोला,,,)

संजू अपनी ममी की छूट से खेलता हुआ

GIF-231020-160131.gif


बात क्या है मामी बुला तो नहीं हो अपने कमरे में लेकिन इस तरह से खामोश रहोगी तो पता कैसे चलेगा कि मुझे कीस लिए बुलाई हो,,,,

तुझसे बात करना है,,,( वह उसी तरह से जमीन की तरफ देखते हुए बोली,,)

अरे बात तो करना है लेकिन किस बारे में यह भी तो बताओ,,,,

लल्ली,, के बारे में,,,(एकदम तपाक से बोली,,)

लल्ली के बारे में क्या हो गया,,,,(संजू आश्चर्य जताते हुए बोला,,,,)

जैसे लगता है कि तू कुछ जानता ही नहीं है,,,,

मैं भला कैसे जान पाऊंगा तुम बताओगी तब ना पता चलेगा,,,,

बन मत संजु,,,, तू सब कुछ जानता है और मैं भी जान चुकी हूं,,,।

(अब संजू का दिल जोरों से धड़कने लगा उसे इस बात का एहसास होने लगा था कि उसकी मां में भी लगता है उसके और लाली के बीच में क्या चल रहा है जान चुकी है,,, लेकिन फिर भी अनजान बनता हुआ बोला,,)

तुम क्या कह रही हो मुझे कुछ समझ में नहीं आ रहा है,,,

मैंने सब कुछ अपनी आंखों से देख ली हूं संजू इसलिए बात बनाने की कोशिश मत कर कल रात में,,, लल्ली के कमरे की तरफ आई थी जब बारात दरवाजे पर खड़ी थी और उसका दरवाजा बंदर था और खिड़की से मैंने तुझे और लल्ली,,,,(इतना कहने के साथ ही वह एकदम से खामोश हो गई संजू का दिल जोरो से धड़कने लगा उसके चेहरे पर पसीने टपकने लगे उसे ऐसा लग रहा था कि उसके और उसकी मामी की लड़की के बीच में जो कुछ भी चल रहा है इस बारे में किसी को कुछ भी पता नहीं है लेकिन जो कुछ भी उसकी बड़ी मामी बता रही थी उससे साफ पता चल रहा था कि वह अपनी आंखों से अपनी ही बेटी की चुदाई लीला को देख चुकी थी,,,, इसलिए कुछ देर तक सोच विचार कर संजू धीरे से बोला)

देखो मम्मी जब तुम सब कुछ जान ही चुकी हो तो मैं कुछ भी छुपाने की कोशिश नहीं करूंगा लेकिन जो कुछ भी मैंने किया उसमें तुम्हारी ही भलाई थी,,,

संजू की मामी संजू को मस्त करती हुयी

GIF-231020-160250.gif


मेरी भलाई,,,(आश्चर्य से संजू की तरफ देखते हुए बोली,,) इसमें भला मेरी भलाई कहां से नजर आने लगी,,,

तुम एक मां हो इसलिए बात को समझ नहीं पा रही हो,,, मैं तुम्हारी इज्जत बचाने के लिए ही जो मुझे नहीं करना चाहिए था वह मुझे करना पड़ा,,,,

मेरी इज्जत बचाने के लिए,,,, झूठा कही का अपना पाप छुपाने के लिए अपनी गलती छुपाने के लिए उसे मेरी इज्जत बचाने का नाम दे रहा है,,,(गुस्सा दिखाते हुए वह बोली)

मैं सच कह रहा हूं मामी,,, और इसमें तुम्हारी ही गलती है जो कुछ भी हुआ तुम्हारी जल्दबाजी की वजह से हुआ,,,।

मेरी जल्दबाजी,,,(हैरान होते हुए) अब तु बातें मत बना,,,

मैं बात नहीं बना रहा हूं मामी मैं सच कह रहा हूं,,,, उसे दिन तुम मुझे खाना खिलाने के बहाने मुझे ढूंढ रही थी और अपने कमरे में लेकर गई थी याद है ना,,,

(संजू की बात सुनकर वह कुछ बोली नहीं बस संजू की तरफ देखे जा रही थी और उसकी बात को सुन रही थी,,,) और अपने कमरे में ले जाते ही कमरा बंद कर दी थी लेकिन तुम खिड़की बंद करना भूल गई थी,,,,।

(संजू की बात सुनकर उसकी मामी को याद आने लगा कि वह परसों के ही दिन संजू को अपने कमरे में ले गई थी और क्या करने के लिए ले गई थी सब कुछ उसकी आंखों के सामने किसी फिल्म की तरह घूमने लगा)

संजू और उसकी ममी

GIF-231020-160444.gif


और फिर खाना खिलाने के बहाने जो तुमने मेरे साथ चुदवाई थी,,, वह सब कुछ लल्ली मैं अपनी आंखों से देख ली थी,,,,।

क्या,,,?(संजू की यह बात सुनते ही उसकी मम्मी का मुंह आश्चर्य से खोला का खुला रह गया उसकी आंखें चौड़ी हो गई उसे संजू की बातों पर विश्वास ही नहीं हो रहा था उसके कानों में उसके कहे गए शब्द गरम शीशे की तरह पड़ रहे थे,,, आखिर ऐसा क्यों नहीं उसे महसूस होता आखिरकार वह एक मां जो थी और कौन ऐसी मां होगी जो चाहेगी कि उसकी चुदाई उसकी कम लीला को उसके बच्चे उसकी बेटी अपनी आंखों से देखें,,,, इसीलिए तो उसके होश उड़ गए थे वहां पल भर में ही उसे दिन वाले दृश्य की कल्पना करने लगी थी उसे दिन वह पागलों की तरह संजू के लंड को अपनी चूत में ले रही थी और मदहोश होकर अपने मुंह से गरमा गरम आवाज निकल रही थी,,, वह अपने मन में सोचने लगी कि उसकी बेटी सब कुछ अपनी आंखों से देख ली होगी उसके नंगे बदन को उसकी नंगी गांड को उसकी नंगी चूत को और उसकी चूत के अंदर बाहर होता हुआ संजू के लंड को क्या सोच रही होगी इस तरह के नजारे को देखकर,,,, अपनी मां को चुदवाते हुए देखकर और वह भी एक जवान लड़के के साथ उसकी बेटी के मन में क्या चल रहा होगा उसके बारे में क्या सोच रही होगी इन सब बातों को सोचकर उसकी आंखों में आंसू आ गए वह एकदम परेशान हो गई थी शर्म से गड़ी जा रही थी,,, संजू मौके की नजाकत को समझते हुए अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए बोला,,,)

लल्ली ने सब कुछ अपनी आंखों से देख ली थी और इस बात को उसने मुझे रात को बताई थी वह काफी परेशान थी और गुस्से में भी थी शायद तुम नहीं जानती वह इस बात को अपने पापा से बता देना चाहती थी मैं ही उसके हाथ पैर पड के उसे शांत रहने के लिए बोला,,, जो तुम अपनी आंखों से अच्छी ऐसा कुछ भी मैं करने के बारे में सोच भी नहीं सकता था लेकिन मजबूर हो गया था,,,,

मजबूर क्यों हो गए थे,,,,,,?

संजू की मामी छुड़वाते हुए

GIF-231020-160556.gif


मजबूर इसलिए हो गया था कि तुम्हारी बेटी ने हम दोनों को देख ली थी और जैसे हालात में उसने हम दोनों को देखी थी कोई भी बेटी नहीं चाहेगा कि उसकी मां किसी के जवान लड़के से इस तरह के संबंध बनाएं,,,,,,,, लल्ली जीद करके बैठी थी कि वह सब कुछ अपने पापा से बता देगी,,, और तुम ही जरा सोचो अगर तुम्हारी बेटी अगर तुम्हारे पति को सब कुछ बता देती तो क्या हो जाता इसके बारे में सोची हो कभी,,,, सब कुछ बर्बाद हो जाता तबाह हो जाता बरसों की बनी बनाई इज्जत मिट्टी में मिल जाती,,, क्योंकि घर का एक भी सदस्य तुम्हारे बारे में गलत नहीं सोचता क्योंकि घर के सब लोग जानते हैं कि तुम कितनी सीधी शादी और संस्कारी औरत हो,,, पर यही बात अगर लल्ली अपने पापा को बता देती और जैसे तैसे करके अगर यह बात घर के सभी सदस्य को मालूम हो जाता तो तुम सब की नजरों में नीचे गिर जाती,,,,।

(संजू किस तरह की बातों को सुनकर वह परेशान हुए जा रही थी,,, क्योंकि वह अच्छी तरह से जानती थी कि संजू जो कुछ भी कह रहा है उसमें सच्चाई थी वाकई में अगर इस तरह की बात घर से बाहर निकल जाती तो वह कहीं मुंह दिखाने के लायक नहीं रह जाती,,,, संजू अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए बोला,,,)

और मैं नहीं चाहता था कि ऐसा कुछ हो इसलिए मैं तुम्हारी लड़की को समझाने की बहुत कोशिश किया आखिरकार वह समझने के लिए मान गई लेकिन,,, तुम्हारी लड़की ने सब कुछ अपनी आंखों से देख ली थी और शायद उसने इस तरह का दृश्य कभी अपनी आंखों से अच्छी नहीं थी इसलिए उस दृश्य का उसके कोमल मन पर बहुत गहरा प्रभाव पड़ा,,,,

कैसा प्रभाव,,,?(आश्चर्य जताते हुए वह बोली)

यह बात तुम्हें समझाने की जरूरत नहीं है तुम समझ सकती हो क्योंकि तुम उम्र के ऐसे मोड पर पहुंच चुकी हो कि एक औरत के मन को अच्छी तरह से समझ सकती हो,,,

पहेलियां बुझाना बंद कर और सीधे-सीधे बता,,,

देखो मामी एक औरत होने के नाते तुम्हें इतना तो समझ में आता ही होगा की औरत के मन में इस तरह के दृश्य को देखकर क्या चलता होगा,,, बेशक लल्ली दूसरी लड़कियों की तरह नहीं है मेरा मतलब है कि लड़कों के पीछे भागने वाली वह एकदम साफ सुथरी लड़की है लेकिन इस बात का ज्ञान होना चाहिए कि वह पूरी तरह से जवान हो चुकी है और जिस तरह का दृश्य उसने देखी थी कोई भी जवान लड़की के मन में उस तरह के रिश्ते के बारे में सोचकर हलचल होना स्वाभाविक है,,,,और लल्ली मैं खुद अपनी आंखों से तुम्हें चुदवाते हुए देखी थी अपनी मां को जिसे वह एकदम सीधी शादी घरेलू औरत समझती थी मर्यादा में रहने वाली औरत समझती थी लेकिन तुम ही भला सोचो उसे लड़की के मन में क्या बिताता होगा जो अपनी आंखों से अपनी मां को एक जवान लड़के से चुदवाते हुए देखेगी,,,,

(संजू जानबूझकर अपनी बातों में नमक मिर्च लगाकर अपनी मामी को बता रहा था वह अपनी बातों के जरिए अपनी मामी को एक बार फिर से पटरी पर लाना चाहता था इसलिए उसकी बातों में अश्लीलता साफ झलकने लगी थी,,, वह अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए बोला,,,)

लल्ली सब कुछ अपनी आंखों से देख रही थी मेरा कमर हिलाना तुम्हारा मजा लेना तुम्हारी नंगी गांड तुम्हारी गम से सारियां और मेरा मोटा लंड तुम्हारी चूत के अंदर बाहर होना,,, मेरे हर एक धक्के साथ तुम्हारी चीख निकल जाना,,, और मेरा तुम्हारी बड़ी-बड़ी चूचियों का दिखाना और धक्के पर धक्के लगाना तुम्हारी मोटी मोटी जांघें मेरी जांघों से टकराना,,, मेरा मोटा तगड़ा लंड तुम्हारी कशी हुई चूत के अंदर बाहर होना,,,, सोचो इस गरमा गरम नजारे को कोई भी लकड़ी देख ले तो उसके कोमल मन पर क्या गुजरेगी और वही हाल लल्ली का भी हुआ,,,, वह एक तरफ भले ही गुस्से में थी क्योंकि उसकी आंखों के सामने उसकी मां चुदवा रही थी,,, एक तरफ वह तुम्हारी वजह से क्रोधित में थी तो दूसरी तरफ एक चुदाई के दृश्य को अपनी नंगी आंखों से देखकर वह पूरी तरह से उत्तेजित हो चुकी थी आखिरकार वह भी जवान होती लड़की थी उसकी भी चुत में पानी उभर रहा होगा उसे तरह का दृश्य देखकर उसका भी अरमान मचलने लगा,,,,,,, और खामोश रहने के बदले में उसने मुझसे क्या बोली पता है,,,

क्या बोली,,,,?(आश्चर्य जताते हुए वह बोली)

उसने अपना मुंह बंद रखने के एवज में मुझसे बोली की,,, उसे भी वही सुख चाहिए जो मैं तुम्हें दे रहा था,,,

क्या,,,?(संजू की मामी आश्चर्य से आंखें फाड़े हुए बोली,,)

हां पहले तो मैं भी उसके मुंह से यह सुनकर एकदम हैरान हो गया,,, लेकिन उसने जो अपनी आंखों से मुझे और तुम्हें चुदवाते हुए देख ली थी मैंने एक औरत के अंतर मन के बारे में उसे बताया था कि औरत को भी समय-समय पर इसकी बहुत जरूरत होती है जैसे भूख लगती है इस तरह से इस तरह की बदन की भी भूख हर औरत को लगती है जिसे बुझाया बहुत जरूरी होता है और मैंने यह भी बताया था कि तुम्हारे पिताजी उनकी जवानी की आग बुझाने में सक्षम नहीं है इसलिए उन्हें इस तरह का कदम उठाना पड़ा और यह भी बोला था कि तुम भी जब उम्र के इस दौर पर पहुंच जाओगी तब तुम्हें इस बात का एहसास होगा कि ऐसे मौके पर हर एक औरत को एक मर्द की जरूरत पड़ती है,,, और इसीलिए उसने मुंह बंद करने के आवाज में मुझे वही काम करने के लिए प्रेरित करने लगी जो मैं तुम्हारे साथ किया था मैं तो पहले उसे बहुत इनकार किया लेकिन वह मानने को तैयारी नहीं थी मैंने उसे यह भी कहा कि बस एक रात की है तो बात है शादी के बाद वह की रोज यही काम करेगी लेकिन वह मानने को तैयार नहीं थी,,,।

यहां तक की बारात जब द्वार पर खड़ी थी तब उसी ने अपनी सहेली को कह कर मुझे अपने कमरे में बुलाई थी और जबरदस्ती मुझे चोदने के लिए प्रेरित कर रही थी वरना वह ऐसे मौके पर सब कुछ अपने पापा से बता देने की धमकी दे रही थी,,,, और फिर मुझे वही करना पड़ा जो तुम्हारी लड़की करने के लिए बोली और इसी में सबका भला था मेरा तुम्हारा इस घर का इस परिवार का इस खानदान की इज्जत का,,,,

मेरी लड़की ऐसा कर सकती है मुझे यकीन नहीं हो रहा है,,,

यही बात उसने भी कही थी कि मेरी मम्मी ऐसा काम कर सकती है मुझे बिल्कुल भी विश्वास नहीं हो रहा है तो बात को समझो मामी हर औरत की एक जरूरत होती है जैसी तुम्हारी जरूरत थी ऐसी ही तुम्हारी लड़की की भी जरूरत थी और दोनों की जरूरत में पूरा कर दिया बस बात खत्म अब तुम दोनों एक दूसरे की राजदार हो ना वह कुछ कहने वाली है ना तुम कुछ कहने वाली हो,,,, इसलिए सारी बातों को अपने दिमाग से निकाल कर बस जिंदगी का मजा ले और वैसे भी मैं कल चला जाऊंगा और ऐसा मौका फिर मिलने वाला नहीं है,,,,।

(संजू की है बात सुनते ही जैसे उसे कुछ एहसास हुआ और वह संजू की आंखों में देखने लगी इस बात को अभी अच्छी तरह से जानती थी कि कल संजू चला जाएगा और उसके बाद फिर से पहले जैसी ही जिंदगी शुरू हो जाएगी,,, संजू अपनी मामी की आंखों में देख रहा था वह भी संजू की तरफ देख रही थी संजू धीरे-धीरे अपने होठों को अपनी मामी के लाल-लाल होठों के करीब लेकर आने लगा और देखते ही देखते दोनों के होठ आपस में भीड़ गए,,, और फिर क्या था दोनों तरफ की गर्म जवानी आपस में टकराने से उत्तेजना की चिंगारी फूटने लगी और संजू तुरंत उत्तेजित अवस्था में अपनी मामी को अपनी बाहों में लेकर बिस्तर पर ही फिसल गया और फिर एक-एक करके उसके बदन से सारे कपड़े उतार कर उसे पल भर में ही नंगी कर दिया,,,।

नंगी होने के बाद उसकी बड़ी मामी स्वर्ग से उतरी हुई अप्सरा से काम नहीं लग रही थी बस थोड़ा सा शरीर भारी था लेकिन फिर भी बहुत खूबसूरत लग रही थी संजू से रहा नहीं गया और वह भी अपने सारे कपड़े उतार कर नंगा हो गया संजू का लंड पूरी तरह से अपनी औकात में आ चुका था जिसे उसकी मामी अपने हाथों से पकड़ कर उसे अपने मुंह की तरफ खींचने लगी,,, मौके की नजाकत को समझते हुए संजू घुटनों के बाल चलता हुआ अपनी मामी के करीब आ गया और अपने मोटे तगड़े लंड को उसके लाल-लाल होठों के बीच डालकर अपनी कमर हिलाना शुरू कर दिया,,, संजू की मन में पूरी तरह से मत हो गई संजू अपनी कमर हिलता हुआ पीछे की तरफ चक्कर अपने हाथ को उसकी दोनों टांगों के बीच रखकर उसकी चूत को जोर-जोर से मसाला भी रहा था जिसे उसकी मामी की मदहोशी और ज्यादा बढ़ रही थी उसका आनंद 2 गुना होता जा रहा था उसे मजा आ रहा था वह पूरी तरह से मस्त हुए जा रही थी,,,।

संजू अपनी मामी के कमरे में उसके ही बिस्तर पर धमाल मचा रहा था जहां पर उसके मामा विवाह का खर्च का हिसाब किताब लग रहे थे वहीं दूसरी तरफ उनका भांजा उनकी ही बीवी के साथ सारी सीमाओं को पार करके मजे लूट रहा था,,,, इतने मोटे तगड़े जवान लंड को पाकर संजू की मामी पूरी तरह से गदरा चुकी थी,,, कुछ देर तक दोनों इसी तरह से मजा लूटते रहे और फिर उसकी मामी संजू के कंधों को पकड़ कर उसे नीचे की तरफ जाने का इशारा करने लगे तो देखते ही देखते संजू उसकी दोनों टांगों के बीच पहुंच गया वह जानता था कि उसे क्या करना है,,, और फिर संजू अपनी जीभ को अपने होंठ को अपनी मामी के गीली चूत पर रखकर उसके रस को चाटना शुरू कर दिया,,, संजू की इसी हरकत पर उसकी मामी पूरी तरह से चुदवासी हो जाती थी,, और वह उत्तेजना के चलते तुरंत अपनी कमर को ऊपर की तरफ उठा दी जिसे संजू दोनों हाथों से पकड़ कर अपने काबू में किए हुए था,,,, और फिर जैसे ही संजू को इस बात का एहसास हुआ कि उसकी मामी की जवानी का लोहा पूरी तरह से गर्म हो चुका है तो वह अपने लंड नुमा हथोड़े को उस पर चलने की ठान लिया,,, और फिर देखते ही देखते हो अपनी मामी के दोनों टांगों के बीच आ गया और फिर अपने मोटे सुपाड़े को अपनी मामी के गुलाबी छेद पर रखकर एक करारा झटका मारा और पहले ही प्रयास नहीं संजू का मोटा तगड़ा लंड उसकी मामी की चूत के अंदर घुस गया,,,,,।

संजू के पहले प्रहार में ही उसकी मामी चारों खाने चित हो गई,,, संजू अपनी मामी की मांसल कमर को दोनों हाथों से पकड़ कर अपनी कमर हिलाना शुरू कर दिया,,, संजू अपनी मामी को चोद रहा था,,, सुबह-सुबह विदाई हुई थी घर के सभी सदस्य तक कर अपने-अपने कमरे में आराम कर रहे थे और ऐसे में संजू अपनी मामी की थकान दूसरे ही तरीके से उतार रहा था,,,, संजू अपनी मामी की एक टांग उठा कर अपने कंधे पर रखकर जोर-जोर से धक्के लगा रहा था जिसकी वजह से उसकी मम्मी का पलंग चरर मरर की आवाज कर रहा था,,,, कुछ देर तक संजू इसी तरह से अपनी मामी की चुदाई करता रहा लेकिन उसका गरम लावा निकलने का नाम नहीं ले रहा था इस दौरान उसकी मामी एक बार झड़ चुकी थी,,,

संजू अपने लंड को अपनी मामी की चूत से बाहर निकाल कर,,, बिस्तर पर पीठ के बल लेट गया,,, उसका लंड एकदम टटा्र,,, टनटनाया हुआ छत की तरफ मुंह करके खड़ा था जिसे देखकर संजू की मम्मी के मुंह में पानी आ रहा था और वह तुरंत दोनों टांगों को अच्छे से संजू के कमर के ईर्द गिर्द रख कर अपनी भारी भरकम गांड को एक हाथ से लंड को पकड़ कर उसे अपनी चूत का रास्ता दिखाते हुए अपनी गांड को उसके ऊपर दबाना शुरू कर दी और देखते ही देखते धीरे-धीरे उसका मोटा तगड़ा लंड उसकी चूत की गहराई में खो गया और फिर वह अपनी बड़ी-बड़ी गांड को अपने भांजे के लंड पर पटकना शुरू कर दी,,,।

दोनों को अद्भुत आनंद की प्राप्ति हो रही थी संजू उसके दोनों खरबुजो को अपने हाथ से पकड़ कर दबाते हुए नीचे से भी अपनी कमर ऊपर की तरफ उछाल दे रहा था,,, गरमा गरम शिसकारी की गुंज पूरे कमरे में शोर मचा रही थी,,,। देखते ही देखते दोनों की सांस बड़ी तेजी से चलने लगी दोनों एकदम चरम सुख के करीब पहुंच चुके थे और फिर संजू ने एकाएक अपनी मम्मी को अपनी बाहों में कस कर ऐसा पलटी मार की उसकी मामी नीचे हो गई और वह ऊपर आ गया लेकिन इस दौरान उसका लंड उसकी चूत से बाहर नहीं निकला था उसकी मामी तो हैरान रह गई थी संजू के ईस करतब को देखकर और फिर वह इतनी जोर जोर से धक्के लगाने शुरू कर दिया कि पूछो मत,,,, ऐसा लग रहा था कि आज के दिन वह अपनी मामी की चूत में ही घुस जाएगा,,,, और फिर थोड़ी ही देर में संजू अपनी मामी की बाहों में उसकी चूची पर सर रखकर जोर-जोर से हांफने लगा,,,।
 
सुषमा की बातें सुगंधा के कानों में गर्म शीशे की तरह लग रही थी और कोई समय होता तो शायद सुषमा किस तरह की बातें सुगंधा को बड़ी दिलचस्प लगती लेकिन सुगंधा के हालात सुषमा के हालात से विपरीत थे सुषमा पूरी तरह से सुहागन थी और सुगंधा का सुख खो गया था,,,, इसलिए सुगंधा का सुषमा पर गुस्सा करना लाजमी था सुगंधा के नजरिए से,,, क्योंकि आज जिस तरह के बदलाव सुगंधा को अपने अंदर महसूस हुआ था उसे बदलाव के पीछे सुषमा का ही हाथ था नव अपने घर फिल्म देखने के लिए ले जाती ना गंदी फिल्म देखी ना उसका मन बहकता,,,,।

अब तो सुगंधा का मन बिल्कुल भी काबू में नहीं रहता था चाहे जहां भी उसे गंदे ख्याल आने लगते थे बार-बार उसकी आंखों के सामने उसे फिल्म के हीरो का टन टनाया हुआ लंड नजर आता था,,, जिसके चलते उसकी बुर कब गीली हो जाती थी उसे पता ही नहीं चलता था,,, अब तो सुगंधा स्कूल से आने के बाद तुरंत अपनी जवानी की प्यास बुझाने में पूरी तरह से लिप्त हो जाती थी अपनी नाजुक उंगलियों को अपने कार्य में लगाकर पूरी तरह से तृप्त होने की कोशिश करती थी,,, लेकिन यह बात उसे बिल्कुल भी नहीं मालूम थी की जवानी की आज बदन की प्यास जितना बुझाओ उतना ज्यादा भडकती है,,, जिसके चलते उसकी मां पूरी तरह से व्याकुल और विचलित होने लगा,,, अब तो न जाने की उसका आकर्षण जवान मर्दों की तरफ बढ़ने लगा था,,, गठीला बदन चौड़ी छाती,,, इस तरह के मर्दों में वह पौरुष तलाशती रहती थी,,,, वह अपने मन में किसी भी जवान मर्दों को देखकर उसके बारे में कल्पना करने लगती थी खास करके उसकी दोनों टांगों के बीच के हथियार के बारे में वह अपने मन में सोचती थी कि उसका कैसा होगा कैसा दिखता होगा खड़ा होने के बाद कितना बड़ा होता होगा यही सब सो कर वह बार-बार अपनी बुर गीली कर देती थी जिसके चलते उसे दिन में दो बार अपनी पैंटी बदलनी पड़ती थी,,,

और यही हाल तृप्ति का भी था ट्यूशन से घर लौटते समय शाम को जिस तरह का वाक्या उसके साथ हुआ था वह कभी सपने में भी नहीं सोची थी संदीप जिस तरह से उसका हाथ पकड़ कर अंधेरे का लाभ लेते हुए पतली गली में उसके साथ चुंबन चाटी किया था वह सब तृप्ति के लिए बिल्कुल ही नया और अलग अनुभव था जिसके चलते उसे पहली बार एहसास हुआ था कि उसकी बुर पुरी तरह से गीली हो चुकी थी उसकी बुर से पानी निकल रहा था और वह नादान इतना नहीं समझ पा रही थी कि उसकी बुर से आखिरकार गीला गीला क्या निकल रहा था,,, जिसे वह तुरंत घर जाकर बाथरूम में अपनी पेंटिं बदल दी थी,,, उसे ऐसा ही प्रतीत हो रहा था कि शायद पेशाब के जोर के चलते ही उसकी पेंटिं गीली हो गई थी,,, लेकिन सीधी-सादी तृप्ति को कहां मालूम था की जवानी की पहली फुहार थी जो कि उसकी सूखी जमीन पर नमी पन लेकर आई थी,,,,।

वह बिस्तर पर संदीप की हरकत के बारे में सोचकर पूरी तरह से उत्तेजित हो जाती थी और ऐसा वह बार-बार करती थी ना चाहते हुए भी जब भी वह बिस्तर पर लेटती थी तब उसे संदीप वाली हरकत याद आ जाती थी,,,, लेकिन वह समझ नहीं पा रही थी कि ऐसा कैसे हो गया उसने आज तक किसी भी मर्द को अपने बदन को हाथ लगाने नहीं दी थी वह जानती थी कि यह सब गलत बात है जो की शादी के बाद ही करना चाहिए और ज्यादातर वह बदनामी से डरती थी,,, घर में पड़ी होने के नाते बातचीत तरह से जानती थी कि उसकी मां कितनी तकलीफ सहकार उसके और उसके भाई का पालन पोषण कर रही थी पिता के देहांत के बाद उसकी मां मां के साथ-साथ पिता का भी प्यार दे रही थी और इसी के चलते तृप्ति अच्छी तरह से अपनी जिम्मेदारियां के बारे में समझती थी और वह किसी भी तरह से अपनी मां को बिल्कुल भी दुख देना नहीं चाहती थी लेकिन संदीप के साथ जो कुछ भी हुआ था उसके अनजाने में हुआ था,,, वह जानती थी कि संदीप भले ही जान पूछ कर इस तरह की हरकत किया हो लेकिन उसकी तरफ से किसी भी प्रकार की हामी नहीं थी लेकिन उसे यह बात समझ में नहीं आ रही थी कि वह इतनी मजबूर कैसे हो गई कि संदीप को अपने बदन को छूने की इजाजत दे दी और यहां तक कि वह अपनी हरकतों को और ज्यादा आगे बढ़ाते लेकर चला जा रहा था,,,।

बार-बार तृप्ति को संदीप की हरकत के बारे में याद आ रहा था उसके चुंबन के बारे में याद आ रहा था पहली बार उसके होंठ पर किसी मर्द के होंठ स्पर्श हुए थे जिसके चलते उसके बाद में बिजली से दौड़ने लगी थी उसके बदन में सुरसुराहट सी दोड़ने लगी थी वह पूरी तरह से पागल हो गई थी,,, और तो और संदीप की हथेलियां को अपने नितंबों पर महसूस करके वह पूरी तरह से मदहोश हो चुकी थी सब कुछ कह दी मर्तबा हो रहा था पहली बार चुम्मन पहली बार किसी की हथेली अपनी नितंबों पर महसूस कर रही थी और वह भी संदीप जानबूझकर उसकी नितंबों को अपनी हथेली में पड़कर दबा रहा था और उसे अपनी तरफ खिंचे हुए था,, और तो और जिस तरह से उसने अपने दोनों हथेलियां के जोर से उसके नितंबों को पकड़कर उसे अपनी तरफ खींच कर रखा था उसके चलते उसे अपनी बर के द्वार पर कुछ कड़क और नुकीली चीज चुभती हुई महसूस हुई थी,,, और इस बात का अहसास होते ही की उसकी बुर पर चोदने वाली नुकीली चीज कुछ और नहीं बल्कि संदीप का मोटा तगड़ा लंड है वह पूरी तरह से पानी पानी हो गई,,, क्योंकि पहली बार तृप्ति लंड नाम के अंग से रूबरू हुई थी हालांकि पूरी तरह से तो मर्द के लंड से मुलाकात उसकी हुई नहीं थी लेकिन इतना ही उसके लिए बहुत था जिसके चलते उसकी बुर पूरी तरह से पानी छोड़ दी थी,,,, संदीप के मर्दाना अंग की ठोकर उसे अभी भी पूरी तरह से महसूस होती थी जिसके चलते उसके बदन में उत्तेजना की लहर उठने लगती थी,,,, और ऐसा क्यों ना हो अगर तृप्ति की जगह कोई और जवान लड़की होती जो इस तरह के अनुभव से गुजरी ना हो रूबरू ना हो तो उसके बदन में भी इसी तरह की लहर उठना स्वाभाविक है तृप्ति तो पूरी तरह से मचल उठी थी,,, और न जाने क्यों सब कुछ जानते हुए भी वह संदीप को रोक नहीं पाई थी यहां तक की संदीप ने उसकी सलवार में अपने हाथ को भी डाल दिया था और उसकी पेंटिं के ऊपर से ही उसकी बुर को दबोच दिया था,,,, यह सब तृप्ति के लिए उत्तेजना से भरा हुआ था जो की बिल्कुल असहनीय था जिसका असर उसकी दोनों टांगों के बीच की उसे पतली दरार में बराबर दिखाई दे रहा था,,,,,,, यहां तक भी ठीक था तृप्ति की खामोशी को उसकी रजा मंदी समझ कर संदीप की हरकत और ज्यादा बढ़ने लगी थी,,, यहां तक कि वह अपनी हथेली को उसकी पेंटिं के अंदर डाल दिया था,,, तभी दूर से आ रही मोटरसाइकिल की तो इस रोशनी दोनों पर पढ़ते ही तृप्ति को इस बात का एहसास हुआ कि जो कुछ भी हो रहा है वह गलत हो रहा है वह तुरंत उससे दूर हो गई और मोटरसाइकिल के गुजर जाने के बाद वहां लगभग भागते हुए अपने घर की तरफ जाने लगी संदीप हाथ मिलने रह गया था हाथ में आया हुआ इतना अनमोल मौका चला गया था लेकिन फिर भी वह मदहोश कर देने वाली जवानी को अपने हाथों से महसूस करके पूरी तरह से मस्त हो चुका था,,,,।

मां बेटी दोनों की हालत एक जैसी हो चुकी थी,,, सुगंधा बार-बार अपने हाथों से अपनी जवानी की प्यास को बुझाने की कोशिश करती थी और बार-बार अपनी गलती के चलते ग्लानि महसूस करके अपने आप को दोषी मानकर वहां बार-बार कसम खाती थी और दूसरे दिन भी अपने बदन की जरूरत के मुताबिक वह कसम तोड़कर फिर से वही गलती करती थी,,,, इसी तरह से धीरे-धीरे दिन देती धो रहे थे जहां एक तरफ मां बेटी पूरी तरह से जवानी की आग में झुलस रहे थे वहीं दूसरी तरफ अंकित अपने आप को इस तरह के दूषण से बचाया हुआ था,,,, और निरंतर सुबह-सुबह उठकर कसरत किया करता था,,। और उसका कसरती बदन देख कर किसी का भी आकर्षक उसकी तरफ बढ़ जाता था लेकिन अब तक परिवार में ऐसा कुछ भी नहीं हुआ था सुगंधा जवानी से भरे हुए मर्दाना ताकत से भरपूर अपने बेटे की तरफ बिल्कुल भी ध्यान नहीं देती थी वह बाहर ही मन में कल्पना करके दूसरी मर्दों की तरफ आकर्षित होकर अपनी जवानी की प्यास बुझाने में लगी हुई थी,,,,।

एक शिक्षिका होने के नाते वह अच्छी तरह से जाती थी कि उसका एक भी गलत कदम उसकी बनी बनाई इज्जत को मिट्टी में मिला सकता था इसीलिए वहां इस तरह की कोई भी हरकत नहीं करना चाहती थी जिससे उसकी बदनामी हो उसके पद की गरिमा को लांछन लगे लेकिन वह अपनी क्लास के जवान लड़कों की हरकत के बारे में भी अच्छी तरह से जानती थी,,, जब से वह सुषमा के साथ गंदी फिल्म देखी थी तब से उसे मर्दों की नजर के बारे में कुछ ज्यादा ही मालूम होने लगा था यहां तक कि उसे इस बात का भी एहसास होने लगा था कि अपनी स्कूल में क्लास में पढ़ते समय उसकी क्लास के लड़के उसके अंगों को प्यासी नजरों से देखते रहते थे अब तक उसे इस बात का एहसास बिल्कुल भी नहीं था वह क्लास के हर बच्चों में मासूम अंकित का ही चेहरा देखते आ रही थी जिसके चलते उसके मन में कभी भी गलत भावना पैदा नहीं हुई थी लेकिन अब उसका विचार भी पूरी तरह से बदल चुका था वह ब्लैक बोर्ड पर चौक से लिखते हुए अचानक की अपनी नजर को पीछे की तरफ घूम कर देख लेती थी और यह देखने की कोशिश करती ठीक ही उसके नितंबों की तरफ कौन-कौन देख रहा है और उसके आश्चर्य के मुताबिक क्लास के ज्यादातर लड़के उसकी भरी हुई बड़ी-बड़ी गांड की तरफ की प्यासी नजरों से देखते रहते थे जो की ब्लैकबोर्ड पर लिखते समय उसके नितंबों में एक अजीब सी धड़कन होती थी कई हुई साड़ी पहनने की वजह से उसकी गांड को ज्यादा ही उभरी हुई नजर आती थी जिसके चलते क्लास के लड़कों के मुंह में पानी आ जाता था,,,।

उसे अब एहसास होने लगा था कि उसके खूबसूरत बदन को आदमियों के साथ-साथ जवान लड़के भी प्यासी नजरों से देखते थे और न जाने क्यों उसे लड़कों को अपनी जवानी की झलक दिखाने में एक अजीब तरह का आनंद प्राप्त होने लगा था और उसे अंदर ही अंदर काफी उत्तेजना का एहसास होने लगा था यहां तक की अब क्लास में बार-बार उसे अपनी बुर गीली होती हुई महसूस होने लगी थी,,, ब्लैकबोर्ड पर लिखते समय वह जानबूझकर थोड़ा आगे की तरफ झुककर अपनी बड़ी बड़ी गांड को बाहर की तरफ निकाल लेती थी,,, जिसके चलते आगे की बेंच पर बैठे हुए जवान लड़कों की तो हालत खराब हो जाती थी,,,,।

ऐसे ही एक दिन वह ब्लैकबोर्ड पर लिख रही थी और आगे की बेंच पर उसकी क्लास का विद्यार्थी अमन और मोहन बैठे हुए थे वह इस बात को अच्छी तरह से जानती थी कि वह दोनों कुछ ज्यादा ही उसके बाद उनको प्यासी नजरों से घूरते रहते थे और उन दोनों की हरकत देखकर सुगंधा के भजन में अजीब सी हलचल होने लगती थी उसे उनकी नज़रें अच्छी लगने लगी थी इसीलिए ब्लैकबोर्ड पर लिखती लिखकर अपनी चौक को नीचे गिरा देती थी ताकि उसे उठते समय उसकी गांड कुछ ज्यादा उभार लिए हुए नजर आए,,,, और जानबूझकर चौक गिरा कर जब वह उसे उठाने के लिए नीचे झुकती थी तो उसकी नजर अपने आप ही आगे की बेंच पर बैठे हुए दोनों लड़कों पर चली जाती थी और सुगंधा को साफ नजर आता था की उत्तेजना के मारे उनके पेट के आगे वाला भाग पूरी तरह से फुल चुका है,,,, जिसे देखकर सुगंधा के तन बदन में अजीब सी हलचल हो रही थी,,,,,, सुगंधा उन लड़कों के पेट के उभार को अच्छी तरह से देखना चाहती थी,,, इसलिए एक बहाने से वह बोली,,,।

अमन और मनोज दोनों खड़े हो जाओ,,,,।

(इतना सुनते ही दोनों एकदम से खड़े हो गए दोनों इस बात को भूल गए थे कि अपनी टीचर की मदमस्त कर देने वाली गांड और उसकी जवानी देखकर दोनों का लंड पूरी तरह से खड़ा हो चुका है,,, उन दोनों के खड़े होते हैं सुगंधा की नजर सबसे पहले उन दोनों के पेंट के आगे वाले भाग पर ही गई क्योंकि अच्छा खासा तंबू बनाया हुआ था और उसे तंबू को देखकर उसके होठों पर हल्की सी मुस्कान आ गई उसके मन में तरंगें उठने लगी,,, उसे अपनी जवानी पर थोड़ा गर्म होने लगा कि इस उम्र में भी वह जवान लड़कों के लंड को खड़ा करने की ताकत रखती है,,, फिर उन दोनों से थोड़ा बहुत सवाल जवाब करके उन्हें बैठा दि,,, क्योंकि सुगंधा ने अपना मतलब पूरा कर ली थी उसे जो देखना था वह देख ली थी और उसे देखने के बाद उसे अपनी पैंटी गीली होती हुई महसूस हो रही थी,,,।

घर पर पहुंचते ही वह अपने सारे कपड़े उतार कर नंगी हो गई और बाथरूम के अंदर अपनी बुर में उंगली डालकर अपनी प्यास बुझाने की भरपूर कोशिश करने लगी,,,, उसे कुछ समझ में नहीं आ रहा था कि यह सब क्या हो रहा है पति के देहांत के बाद वह इस तरह की बिल्कुल भी नहीं थी लेकिन अब उसकी काम पिपाशा कुछ ज्यादा ही प्रज्वलित हो चुकी थी जिसकी वजह से वह खुद बहुत हैरान थी,,,।

खैर जैसे तैसे करके दिन गुजर रहे थे,,, पुरुष संसर्ग का बहुत मन होने के बावजूद भी वह अपने मां पर संयम रखकर अपनी उंगलियों का ही सहारा लेकर अपनी भावनाओं को दबाने की कोशिश कर रही थी लेकिन जितना वह अपने भावनाओं को दबाने की कोशिश करती थी उससे ज्यादा उसकी भावनाएं उसे अपनी आगोश में लेकर बिखेर दे रहे थे,,,। दूसरी तरफ तृप्ति संदीप से दूरी बनाकर ही रहने लगी थी,,,, जिसकी वजह से संदीप उससे बार-बार माफ़ी भी मांग रहा था लेकिन वह उसे माफ करने को तैयार हीं नहीं थी,,,,,, तृप्ति एक समझदार लड़की थी उसे अपनी जिम्मेदारियों का एहसास था,,, वह किसी भी तरह से अपने परिवार की बदनामी होने देना नहीं चाहती थी क्योंकि वह जानती थी कि अगर उस दिन उससे और ज्यादा गलती हो जाती तो उसका क्या परिणाम होता,,,,।

और सुगंधा को अभी तक कुछ भी समझ में नहीं आ रहा था कि उसे आगे क्या करना है जिस तरह की आज उसके बदन में लगी थी उसे बुझाना उसके लिए बहुत जरूरी होता जा रहा था पुरुष संसर्ग के लिए उसकी मन कुछ ज्यादा ही मचलने लगा था,,,। लेकिन वह एक समझदार औरत थी और उसके भयंकर परिणाम के बारे में भी जानती थी इसलिए तो वह अपना कदम आगे बढ़ाने में घबरा रही थी,,,, वह अपने कमरे में बैठे-बैठे उन औरतों के बारे में सोच रही थी जो कि अपने पति के होने के बावजूद भी दूसरे मर्दों के साथ संबंध बनाकर गुलछर्रे उड़ाती है,,, सुगंधा यही सोच रही थी कि ऐसी औरतों के पास तो खुद उनके पति होता है लेकिन फिर भी अपनी प्यास बुझाने के लिए की इस मर्दों का सहारा लेते हैं,,,, तो क्या इस तरह का रिश्ता उन औरतों के लिए सही है या गलत फिर अपने ही सवाल का जवाब अपने मन में देते हुए बोली कि जब तक पकड़ी नहीं जाती तब तक हर रिश्ता सही रहता है पकड़े जाने पर ही गलती का एहसास दिलाया जाता है,,,,,,,।

सुगंधा अपने मन में सोच रही थी कि अगर वह किसी गैर मर्द के साथ संबंध बना लेती है तो क्या होगा कैसा बदलाव उसके जीवन में आएंगे,,, वह अपने मन में इस तरह के रिश्ते के बारे में सोचने लगी कि अगर वह किसी गैर पुरुष के साथ संबंध बनाने की है तो वह उसके साथ चोरी छिपे मिलेगी उसके घर पर जब कोई नहीं होगा तब वह धीरे से उसके घर जाएगी और अपना काम खत्म करके वापस आ जाएगी ऐसे में किसी को कुछ भी पता भी नहीं चलेगा लेकिन अगर इस बारे में किसी को पता चल गया तो,,,, वह तो बदनाम हो जाएगी और इस बारे में अगर उसके बच्चों को पता चल गया तब तो वह उनसे नजर भी नहीं मिल पाएगी और अपने बच्चों की नजर में ही गिर जाएगी,,, अंकित और तृप्ति अपनी मां के बारे में क्या सोचेंगे,,,, यही सब सोच कर वह घबरा जाती थी और फिर अपनी भावनाओं का गलत फिर से इस तरह की जिंदगी जीने की मन में ठान लेती थी लेकिन,,, कुछ देर बाद फिर से वही सब ख्याल उसके मन में आता था और फिर वह उत्तेजित हो जाती थी,,,,।

ऐसे की एक दिन वह सुबह-सुबह धुले हुए कपड़ों को सूखने के लिए डालने के लिए छत पर पहुंच गई और छत पर पहुंचते ही उसकी नजर अपने बेटे अंकित पर गई जो कि केवल अंडरवियर में ही कसरत कर रहा था अंकित ने अपनी मां को नहीं देखा था और वह कसरत करने में पूरी तरह से मजबूर था लेकिन सुगंधा की नजर अपने बेटे पर पढ़ते ही वह कुछ देर के लिए एकदम से भूल गई कि वह उसका बेटा है वह केवल इसकी चौड़ी छाती गठीला कसरती बदन उसकी भुजाओ को देख रही थी सुगंध को पहली बार अपने बेटे में बेटा नहीं बाकी एक जवान मर्द नजर आ रहा था जिसे देखकर उसकी दोनों टांगों के बीच की पतली दरार में अजीब सी सुसुराहट महसूस होने लगी थी सुगंधा की नजर जैसे ही अपने बेटे के अंडरवियर के आगे वाले भाग पर गई तो वह एकदम से मदहोश होने लगी क्योंकि सुषुप्त अवस्था में भी उसके अंडरवियर में अच्छा खासा तंबू बना हुआ था जिसे देखकर वह अपने मन में उसे गंदी फिल्म वाले हीरो की कल्पना करने लगी जिसका लंड पूरी तरह से अपनी औकात में खड़ा था,,,, पल भर में ही सुगंधा की सांस ऊपर नीचे होने लगी,,,, वह बड़े गौर से अपने बेटे के अर्धनग्न बदन को देख रही थी और अनजाने में ही कल्पना करने लगी थी कि अगर इस समय उसका बेटा पूरी तरह से नंगा होता तो कैसा नजर आता उसका मोटा तगड़ा लंड कैसा दिखता इन सब ख्यालों के चलते उसकी बुर पूरी तरह से पानी छोड़ने लगी इस बार उसकी बुर कुछ ज्यादा ही पानी छोड़ रही थी क्योंकि इस बार वह इसके बारे में कल्पना कर रही थी वह उसका जवान बेटा था इसलिए उसके बदन में कुछ ज्यादा ही जोश और उन्माद नजर आ रहा था,,,,, वह बड़े गौर से अपने बेटे की क्रियाकलाप को देख रही थी वह अपने ही ध्यान में पूरी तरह से मग्न होकर बड़े-बड़े वजनदार डंबल को उठाकर अपने हाथ के मसल्स को और ज्यादा मजबूती प्रदान कर रहा था,,, तभी कसरत करते-करते उसकी नजर अपनी मां पर गई तो वह एकदम से चेहरे पर मुस्कुराहट लाते हुए बोला,,,।

अरे मम्मी तुम,,,,, सुबह-सुबह यहां क्या कर रही हो,,,

(अपने बेटे की आवाज कानों में पढ़ते ही जैसे उसकी तंत्र भंग हुई हो वह एकदम से हड़बड़ाहट भरे स्वर में बोली,,)

लव,,वो मैं धुले हुए कपड़े सुखाने के लिए आई थी,,,
 
संजू की बड़ी मामी अपनी बेटी और संजू के बीच के अवैध रिश्ते के बारे में संजू को डांट लगाना चाहती थी उसे धमकाना चाहती थी लेकिन यह नहीं जानती थी कि संजू बातों का जादूगर है और अपने इसी जादूगरी की करामात दिखाते हुए उसने अपनी बड़ी मामी को मना भी लिया था और उसी समय उसके बिस्तर पर ही पटक कर उसकी जमकर चुदाई भी कर दिया था,,, यह बेहद अद्भुत था संजू की बड़ी मामी भी जानती थी कि आज के ही दिन संजू गांव में रहने वाला था दूसरे दिन वह शहर वापस लौट जाने वाला था और फिर ना जाने कब मुलाकात होती ऐसे में संजू की बातों में आकर वह भी अपनी बेटी की करतुतो पर उसकी मजबूरी और जरूरत का नाम देकर खुद संजू के साथ हम बिस्तर हो गई और जिंदगी का अद्भुत सुख लूटने लगी,,,।

1698557358-picsay.jpg




संजू के मर्दाना अंग में उसके मोटे तगड़े लंड में एक अद्भुत आकर्षण था जिससे जिस किसी की भी औरत की चूत उसकी संगत में आती थी वह उसकी पूरी तरह से दीवानी हो जाती थी और संजू उसे अपने मर्दाना अंक का भरपूर आनंद भी देता था जिसके चलते हर औरत उसकी दीवानी होती चली जा रही थी,,,, रिश्तो के बीच चुदाई का संबंध संजू के लिए कोई बड़ी बात बिल्कुल भी नहीं थी क्योंकि वह अपने घर में ही अपनी छोटी बहन और अपनी मां के साथ जिस्मानी ताल्लुकात बन चुका था और रोज उसका आनंद भी लुटा था यहां तक की अपनी मौसी और अपनी मौसी की लड़की के साथ भी शारीरिक संबंध बनाकर अपने परिवार में ही वह है मदहोश जवानी का आनंद लूट रहा था और यही सिलसिला जारी रखते हुए वह अपनी मामी के घर भी आकर अपनी तीनों मामियों के साथ-साथ अपनी बड़ी मामी की लड़की की चूत पर हाथ फेर दिया था,,, संभोग के मामले में संजू का नसीब पड़े चोरों पर था रोज नई-नई चूत के दर्शन उसे होते ही रहते थे और हर बार बाहर नहीं छूट का उद्घाटन बड़े जोरों शोरों से करता था,,,,।

दोपहर के समय अपनी मामी का काम तो वह तमाम कर चुका था और फिर इसके बाद वह अपनी सबसे छोटी वाली मामी के घर पहुंच गया था जहां पर उसने जमकर अपनी छोटी वाली मामी की भी चुदाई किया यहां उसे दो फर्ज निभाना थे एक तो अपनी छोटी मामी को संतुष्ट करने का और दूसरा उसकी गोद भरने का जहां तक संजू का ख्याल था उसने अपना काम कर दिया था वह जानता था कि उसकी चुदाई से उसकी छोटी वाली मामी गर्भवती हो चुकी है जो की महीने भर में ही उसे भी पता चल जाने वाला था इसीलिए तो उसने अपना फोन नंबर भी उसे दे दिया था ताकि जब भी है खुशखबरी उसे प्राप्त हो तो वह सबसे पहले इस‌ खुशखबरी को उसे सुनाएं,,,,

1698557425-picsay.jpg
se

अपनी बीच वाली मामी के साथ हुआ चुदाई का सुख भोगना चाहता था लेकिन वह रात भर जागने की वजह से थकान की वजह से अपने कमरे में सो रही थी और इस कमरे में उसके बीच वाले मामा भी सो रहे थे इसलिए संजू वहां जाना ठीक नहीं समझा,,,।

जैसे तैसे करके रात हो गई और खाना खाकर लोग अपने-अपने कमरे में चले गए,,,,,, संजू उसकी मां और उसकी मौसी तीनों कमरे में बैठे हुए थे और आपस में बातें कर रहे थे,,,। आराधना बोली,,,।

ललली के बिना वाकई में यह घर सूना सूना लग रहा है भाभी के तो हालात ही खराब हो गई थी रो-रो कर,,,

सच कह रही है आराधना बेटी की विदाई का बाप मां बाप से ज्यादा और कीसे होता है,,,,

दीदी मैं भी यही सोच रही थी कि हम दोनों की भी बेटी है एक दिन उन लोगों के भी हाथ पीले हो जाएंगे और वह लोग अपना घर छोड़कर अपने ससुराल चले जाएंगे तो उस दिन हम लोगों पर क्या गुजरेगी,,,

1698557232-picsay.jpg


यही सोच कर तो मेरा भी दिल बैठ जाता है लेकिन यही नियम है बेटी को तो पराए घर जाना ही पड़ता है अगर ना जाए तो भी समाज कैसे क्या बातें बनते फिरते रहते हैं,,,

(उन दोनों की बात सुनकर संजू बोला,,,)

क्या मम्मी और मौसी तुम दोनों भी रोना रो रही हो विदाई का यह तो सोचो लल्ली को अपने ससुराल में कितना मजा आ रहा होगा खास करके आज की रात,,,(संजू की बात सुनते ही आराधना आश्चर्य से संजू की तरफ देखने लगी साधना को तो मालूम ही था कि संजू का रिश्ता उसके साथ भी शारीरिक संबंध वाला बन चुका था इसलिए उसे संजू की बात से हैरानी नहीं हुई और संजू अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए बोला,,) इस समय रात के 10:30 बज रहे हैं और तुम ही सोचो लल्ली वहां पर क्या कर रही होगी ,,,,

क्या कर रही होगी,,,?(आराधना थोड़ा गुस्सा दिखाते हुए बोली)

चुदाई का मजा लूट रही होगी इस समय जीजा जी उसके सारे कपड़े उतार कर से नंगी कर रहे होंगे उसके छोटे-छोटे संतरो को मुंह में लेकर पी रहे होंगे उसकी चूत से खेल रहे होंगे,,,और तो और लल्ली भी शर्माो हया की दीवार को तोड़कर जीजा जी का लंड पकड़ कर मुंह में लेकर चुस रही होगी,,,,।

1698556943-picsay.jpg


हाय दइया कितना बेशर्म हो गया है रे तू,,, वह तेरे मामा की लड़की है मतलब की तेरी बहन है तुझे जरा भी शर्म नहीं आ रही है ,,,,(आराधना थोड़ा आंख दिखाते हुए संजू से बोली तो संजू भी मानो जैसे कि अपनी मां को कुछ याद दिला रहा हो इस तरह से अपनी आंखों को नचाते हुए बोला,,,)

अच्छा मुझे शर्म आनी चाहिए और वह भी संजू को,,,,(अपने बेटे के खाने के मतलब को आराधना अच्छी तरह से समझ गई थी वह समझ गई थी कि जिस भाई का संबंध खुद की सगी बहन के साथ हो वह भला अपने मां की लड़की के बारे में क्यों इज्जत से बात करेगा इसलिए आराधना की थोड़ा सा नजर नीचे झुका ली और संजू अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए बोला,,,)

देख रही हो मौसी मम्मी क्या कह रही है कि मुझे शर्मा नहीं चाहिए अगर मुझे जरा भी शर्म आती तो मेरा लंड तुम्हारी चूत में ना होता मैं रोज तुम्हारी चुदाई ना करता मौसी को ना चोदता,,,, जो मजा मुझे मिल रहा है और मेरी वजह से तुम दोनों को लिख रहा है तो सोचो अगर मैं शर्म करता तो तुम दोनों भी इस तरह से मजा ना लूट रहे होते और वह भी इस उम्र में,,, क्या कहती हो मौसी,,,(अपनी मौसी की तरफ देखकर आंख मारते हुए बोला)

1698556806-picsay.jpg


बात तो संजु ठीक ही कह रहा है हर रिश्ते के पहले यह सोच लेना चाहिए की सबसे पहले वह एक और है और एक मर्द तभी इंसान सुखी से जीवन कर सकता है और अपनी जरूरत को पूरी कर सकता है,, और मर्द और औरत के बीच के रिश्ते के पहले अगर कोई पारिवारिक रिश्ता पैदा कर लेता है तो वह एक दूसरे के प्रति आकर्षण होने के बावजूद भी कुछ नहीं कर पाता,,,, संजू अगर शर्म करता तो शायद इस उम्र में इतने मोटे तगड़े लंड का सुख नहीं रोक पाती और आराधना तु,,,जो इस उम्र में भी तेरी चुत इतना पानी छोड़ रही है कैसे बुझाती अपनी प्यास को,,, इसलिए संजू की बात सही है लल्ली की विदाई का गम मनाने से अच्छा है कि एक नई जिंदगी की शुरुआत की खुशियां मनाई जाए,,,, वह पूरी तरह से जवान और आज की रात से उसका विवाहित जीवन शुरू हो रहा है तो जरा तुम ही सोचो उसे कितना मजा आएगा जैसा कि हम दोनों को आ रहा है और उसमें बड़ा ही क्या है बस लोगों को खुलकर नहीं बोलते लेकिन इतना तो जानते ही हैं कि विवाह करने के लिए आया हुआ दूल्हा अपनी दुल्हन को घर ले जाकर सबसे पहले क्या करता है,,,, चुदाई जी भर के और यह बात लड़की की मां को भी पता रहता है और उसके बाप को भी वह दोनों जानते हैं कि आज की रात उसकी बेटी ससुराल में अपने पति के साथ चुदवाएगी,,, लेकिन अब ना तो मन को इतना झुक और ना ही आप को और अगर यही काम लड़की बिना के पहले किसी लड़के के साथ कर दे तो फिर देखो कैसा हंगामा मच जाता है,,,, विवाह एक तरह से शारीरिक संबंध की छूट होती है जिसमें पति और पत्नी जी भर कर आनंद लूट सकते हैं और यह बात सब लोग जानते हैं लड़की के घर वाले भी और लड़के के घर वाले भी लेकिन कुछ नहीं कर सकते क्योंकि यही नियम है,,,,।

1698726337-picsay.jpg


(अपनी बड़ी दीदी की बात सुनकर आराधना धीरे से बिस्तर पर से उठी और चलते हुए खिड़की के पास पहुंच गई और बाहर की तरफ देखने लगी चांदनी रात में चारों तरफ खेत लहरा रहे थे जिसे देखकर आराधना के मन को बड़ी शांति मिल रही थी गांव का वातावरण उसे पहले से ही बहुत अच्छा लगता था लेकिन विवाह के पश्चात वह शहर चली गई और वापस अब जाकर वह लौटी थी,,,, कुछ देर खामोश रहने के बाद वह खिड़की से बाहर देखते हुए ही बोली,,,)

जानती हो दीदी इसी तरह से मैं भी लल्ली की तरह ही दुल्हन बनाकर इस घर से विदा हुई थी अपनी जिंदगी की नई शुरुआत के लिए मेरे मन में भी ढेर सारे सपने थे बहुत कुछ सोच कर रखी थी लेकिन सब बर्बाद हो गया मां-बाप तो अपने नजरिया से सही फैसला ही लेते हैं अपनी बेटी की खुशी के लिए लेकिन आगे चलकर सब बर्बाद हो जाता है जैसा कि मेरा जीवन हो गया,,,,,,,।

(संजू और साधना दोनों बिस्तर पर बैठे हुए आराधना की तरफ देख रहे थे आराधना अपना गम बयां कर रही थी संजू अच्छी तरह से जानता था कि अगर अपनी मां को कुछ और बोलने दिया तो आज की रात ऐसे ही खाली जाएगी और वह नहीं चाहता था कि आज की रात यूं ही बातों में चली जाए क्योंकि गांव में आज की रात उन तीनों की आखिरी रात थी इसके बाद में तीनों शहर चले जाने वाले थे और फिर ना जाने कब ऐसा मौका उन दोनों के हाथ लगता है इसलिए संजू धीरे से अपनी जगह से उठा और अपनी मां के करीब जाकर और उसके पीछे खड़ा हो गया और उसे अपनी बाहों में भरकर अपने होठों को उसके गर्दन पर रख दिया पल भर में आराधना के बदन में उत्तेजना की चिंगारी फुटने लगी,,, और वह इस तरह से अपनी मां के गर्दन पर चुंबन करते हुए बोला,,)

1698556686-picsay.jpg


क्या मम्मी तुम भी इस तरह की बातें करने बैठ गई अब तो तुम्हें इस तरह की बातें नहीं करना चाहिए क्योंकि अब तुम्हारे जीवन में मैं हूं जो कि तुम्हें हर सुख दे सकता हूं जो सुख तुम्हें पाप से चाहिए था उससे भी कई ज्यादा और आनंदित भरा सुख में तुम्हें दे रहा हूं यह बात तुम भी अच्छी तरह से जानती हो कि जिस तरह की चुदाई का सुख में तुम्हें दे रहा हूं पापा तुम्हें कभी नहीं दे पाते,,,,(अपनी मां को इसी तरह से बाहों में भरे हुए वह उत्तेजित होने लगा था और उसका लंड पेट के अंदर खड़ा होने लगा था जो की तंबू का शक्ल लेकर आराधना की गांड में चुभने लगा था और इस चुभन से आराधना के बाद में भी उत्तेजना के शोले उठने लगे वह भी धीरे-धीरे उत्तेजित होने लगी और संजू अपनी मां की उत्तेजना को बढ़ाते हुए ब्लाउज के ऊपर से ही दोनों खरबूजा को पड़कर उसे दबाना शुरू कर दिया था पीछे बिस्तर पर बेटी साधना सब कुछ अपनी आंखों से देख रही थी और उन दोनों के बीच में खलल नहीं डालना चाहती थी,,, क्योंकि इसमें उसका भी फायदा था क्योंकि उसकी चूत भी पानी छोड़ रही थी,,,, संजू हल्के से अपनी कमर को आगे की तरफ बढ़ते हुए अपने पेट के तंबू को अपनी मां की गांड पर और ज्यादा चुभाते हुए उसके आनंद को बढ़ाने लगा,,,, इस बार आराधना पूरी तरह से मस्त हो गई और उसके मुख से गरमा गरम से शिसकारी की आवाज फूट पड़ी,,,,।)

सससहहहहह आहहहह संजू,,,,, सच में अगर तू ना होता तो मेरा जीवन कितना नीरस हो जाता,,,,

1698726280-picsay.jpg


अगर तुम ना मिलती तो शायद मुझे ऐसा अद्भुत सुख नहीं मिलता ,,,(और ऐसा कहते हुए संजू अपनी मां के ब्लाउज का बटन खोलने लगा,,, और देखते ही देखते हो अपनी मां के ब्लाउज के सारे बटन खोलकर उसके ब्लाउज के फांको को अलग कर दिया और दोनों हाथों से दोनों पट को पकड़कर उसे पीछे की तरफ खींचने लगा और उसकी मां भी उसका साथ देते हुए अपने दोनों बड़ों को पीछे की तरफ करके उसे ब्लाउज उतारने में उसकी मदद करने लगी,,, अगले ही पल संजू अपनी मां के बदन से ब्लाउज उतार कर नीचे जमीन पर फेंक दिया,,,, दोनों अभी भी खिड़की के पास ही खड़े थे लेकिन इतनी रात को यहां से किसी के द्वारा देखे जाने की गुंजाइश बिल्कुल भी नहीं थी क्योंकि खिड़की से दूर-दूर तक केवल खेत ही नजर आते थे संजू अपनी मां की बाहों को पकड़ कर उसे अपनी तरफ घूमाते हुए उसके खूबसूरत चेहरे की तरफ देखते हुए बोला,,,,

कसम से मम्मी तुम बहुत खूबसूरत हो स्वर्ग से उतरी हुई अप्सरा नजर आती हो,,, अच्छा हुआ दूल्हे की नजर तुम पर नहीं पड़ी वरना दुल्हन समझ कर तुम्हें ही अपने साथ ले जाता,,,(संजू की बात सुनते ही आराधना एकदम से शर्मा गई और शर्म से अपनी नजरों को नीचे झुका ली लेकिन संजू की बात सुनकर साधना बोली,,,)

बेटा अगर वह सच में तेरी मां को दुल्हन समझ कर अपने साथ ले जाता तो सो आज की रात में तेरी मां की जमकर चुदाई करता,,,

तो क्या हुआ मैं लल्ली को इस कमरे में ले आता और फिर मैं उसके साथ सुहागरात मनाता,,,।

1698726161-picsay.jpg


हाय दइया,,,(आराधना एकदम से आश्चर्य चकित होकर संजू की तरफ देखते हुए,,) कुछ तो शर्म कर वह तेरे मामा की लड़की है,,,)

तो क्या हुआ उसके पास भी तो चुत है ना खूबसूरत और चुत केवल लैंड देती है रिश्ते नहीं,,, मेरा मोटा तगड़ा लंड ललली अपनी चूत में लेकर मस्त हो जाती,,,,

तुम दोनों की बातें सुनकर तो मेरी चूत गीली होने लगी है,,,, संजू आज की रात हम तीनों की भी सुहागरात है आज की रात हम दोनों की ऐसी चुदाई करके जिंदगी भर हम दोनों याद रखें,,,

चिंता मत करो मौसी आज की रात मेरा लंड तुम दोनों की चूत के नाम,,,(और इतना कहने के साथ ही संजू एक झटके से अपनी मां की लाल रंग की ब्रा को दोनों हाथों से पकड़ कर ऊपर की तरफ उठा दिया और उसकी खरबूजे एकदम से बाहर उछल पड़े जिसे तुरंत संजु हाथ से पकड़े बिना ही उसे मुंह में लेकर चूसना शुरू कर दिया,,, आराधना के तन बदन में आग लग गई संजू की हरकत से उसकी चूत पानी छोड़ने लगी और वह एकदम से मचल उठी,,,,,।)

1698726040-picsay.jpg


सहहहहहह आहहहहबह संजू,,,,ऊमममममममम

(अपनी मां की मस्ती भरी सिसकारी की आवाज सुनकर संजू का जोश बढ़ने लगा,,, और वह अपनी मां की दोनों चूचियों को बारी-बारी से मुंह में लेकर पीते हुए उसकी कमर से साड़ी को खोलने लगा और देखते-देखते वह अपनी मां के बदन से साड़ी को खोल कर उसे अपनी मां के भजन से उतर कर नीचे जमीन पर फेंक दिया और इस समय उसकी मां केवल पेटीकोट में खड़ी थी ब्रा को तो पहले से ही वह ऊपर की तरफ उठा दिया था जिसे उसकी दोनों चूचियां एकदम नंगी हो गई थी,,,,, संजू अपनी मां की पेटिकोट की डोरी को खोलकर उसे पूरी तरह से नंगी करता है इससे पहले ही हुआ एक झटके से उसे अपनी गोद में उठा लिया वह एकदम से चौंक गई,,,,)

आहहहह यह क्या किया नीचे उतार मुझे गिर जाऊंगी,,,

आज तक गिराया हूं क्या तुम्हें जो अभी गिर जाओगी,,,,

मुझे डर लगता है संजू ऐसे मत उठाया कर,,,

1698725667-picsay.jpg


लेकिन मुझे तो ऐसे ही मजा आता है तुम्हें खुद भी उठाने का जो सुख है वह बेहद अद्भुत है,,,(और ऐसा कहता हुआ संजू बिस्तर की तरफ आगे बढ़ने लगा और बिस्तर के करीब पहुंचते ही उसे धम्म से बिस्तर पर गिरा दिया नरम- गद्दे पर वह एकदम से उछल पड़ी,,,,

बाप रे तू तो मेरी जान ही ले लेगा,,,

तुम्हारी जान नहीं लेकिन तुम्हारी चूत जरूर ले लूंगा,,,( और ऐसा कहते हुए संजू अपनी मां की पेटिकोट की डोरी को अपने हाथों से पकड़ कर उसे एक झटके से खींच दिया,,, पल भर में ही आराधना की कसी हुई पेटिकोट कमर पर एकदम से ढीली हो गई और संजू उसे दोनों हाथों से पकड़ कर उसे नीचे की तरफ खींचने लगा लेकिन आराधना की भारी भरकम गांड के नीचे दबी हुई पेटिकोट संजू से खींची नहीं जा रही थी तो आराधना खुद अपने बेटे की मदद करते हुए अपनी भारी भरकम गोल-गोल गांड को हवा में चार अंगुल जितना ऊपर की तरफ उठा ली,,, संजू को अपनी मां की है हरकत उसका यह रूप बेहद उत्तेजनात्मक लगने लगा था क्योंकि संजू अच्छी तरह से जानता था कि ऐसा औरत तभी करती है जब वह खुद मर्द के लंड को अपनी चूत में लेने के लिए उत्सुक हो उसके साथ शारीरिक संबंध बनाने के लिए मचल रही हो,, और इस समय संजू को अपनी मा में यही रूप नजर आ रहा था,,,। संजू अपनी मां की उठी हुई गांड को देखकर एक पल की भी देरी न करते हुए तुरंत पेटीकोट को नीचे की तरफ कैसे लगा और देखते-देखते वह अपनी मां के बदन पर से पेटीकोट को उतार कर नीचे जमीन पर फेंक दिया और इस समय आराधना बिस्तर पर लाल रंग की चड्डी और लाल रंग की ब्रा में पीठ के बल लेटी हुई थी,,,, अपनी मां का रूप यौवन देखकर संजू की आंखों में वासना उतार आई वह पूरी तरह से पागल हो गया और तुरंत अपने कपड़े उतार कर एकदम से नंगा हो गया आराधना की नजर अपने बेटे के खड़े लंड पर पड़ी तो उसके मुंह के साथ-साथ उसकी चूत में भी पानी आ गया,,,, क्या सब देखकर साधना की हालत खराब हो रही थी और वहां खुद अपने हाथों से अपने कपड़े उतार कर एकदम नंगी हो गई थी,,,।

1698633601-picsay.jpg




वह तीनों जानते थे कि आज की रात उन लोगों के लिए बहुत खास थी आज की रात गांव में उन तीनों की आखिरी रात थी क्योंकि कल शहर के लिए निकल जाना था फिर यह रात या माहौल मिलने वाला नहीं था इसलिए वह तीनों आज की रात पूरी तरह से मजा कर लेना चाहते थे और तीनों ने इसके लिए तैयारी भी कर लिए थे,,,।
 
गांव में अपनी आखिरी रात को तीनों यादगार बना देना चाहते थे जिसकी शुरुआत तीनों ने,,, कर भी चुके थे संजू अपनी मां को बिस्तर पर नंगी कर चुका था और उसकी आंखों के सामने ही अपने सारे कपड़े उतार कर एकदम नंगा हो गया था और पास में ही बिस्तर पर बैठी हुई उसकी मौसी भी दोनों को देखकर खुद अपने हाथों से अपने कपड़े उतार कर नंगी हो चुकी थी,,,। तीनों इस रात को रंगीन करने के लिए पूरी तरह से तैयार थे,,,, आराधना के साथ-साथ उसकी बड़ी बहन साधना भी अच्छी तरह से जानती थी कि आज की रात उन्हें जी भर कर जीना है क्योंकि वह दोनों जानती थी कि शहर में पहुंचने के बाद न जाने कब ऐसा मौका मिले और शायद ना भी मिले,,,,,, इसलिए वह तीनों इस सुनहरे मौके को अपने हाथ से गवाना नहीं चाहते थे,,,।

ऐसा कभी नहीं हुआ था कि अपनी मां की मदमस्त जवानी को देखकर संजु का लंड बेझिझक खड़ा ना हुआ हो,,, और ऐसा इस समय भी हुआ था संजू का लंड अपनी मां को खिड़की पर खड़ी देखकर ही खड़ा हो चुका था,, आराधना की खूबसूरत बदन का ऐसा कोई भी अंग नहीं था जिसे देखकर संजू के तन-बदन में उत्तेजना का एहसास ना होता हो अपनी मां की खूबसूरती के साथ-साथ उसकी चुचियों का फुलावलन और नितंबों का उभारपन,, के साथ-साथ अंगों का कटाव भी उत्तेजित कर देता था,,,,।

धीरे-धीरे समय आगे बढ़ता चला जा रहा था पूरे गांव में सन्नाटा छाया हुआ था और चारों तरफ चांदनी रात की चांदनी छीटकी हुई थी,,,, जिसकी आभा खिड़की से अंदर आ रही थी,,,, मंद मंद शीतल हवा बह रही थी जिसकी ठंडक तीनों को अपने बदन पर महसूस हो रही थी लेकिन जवानी की गर्मी कुछ ज्यादा ही शीतल हवा के झोंकों पर भारी पड़ रही थी,,,, चारों तरफ सन्नाटा छाया हुआ था केवल रह रहकर कुत्तों के भौंकने की आवाज आ रही थी,,,,,,, किसी और मौके पर इस तरह का सन्नाटा और कुत्तों की भौंकने की आवाज डर पैदा कर देती थी लेकिन इस समय का माहौल कुछ और था चुदाई करने के लिए इस तरह के माहौल की ही जरूरत होती है और माहौल पूरी तरह से तीनों के पक्ष में था,,,।

शुरुआती दौर में ही संजू की सांस ऊपर नीचे हो रही थी आज की रात संजू के बदन में कुछ ज्यादा ही जोश भरा हुआ था वह अपने खड़े लंड को हाथ से पकड़कर मुठियाता हुआ अपनी मां की तरफ देख रहा था,,,,,, यही हाल आराधना का भी था वह भी प्यासी नजरों से अपने बेटे की तरफ नहीं बल्कि अपने बेटे के लंड की तरफ देख रही थी क्योंकि इस समय उसकी जरूरत उसके बेटे के लंड की ही थी,,,, जो कि थोड़ी ही देर में उसकी चूत में घुसने वाला था,,, उत्तेजना के मारे आराधना का गला सूख रहा था पहले पहले उसे अपनी दीदी के सामने अपने बेटे से संबंध बनाने में थोड़ी शर्म महसूस होती थी लेकिन अब वह पूरी तरह से खुल चुकी थी अपनी बड़ी दीदी के सामने वैसे तो अकेले में वहां अपने बेटे के साथ मन नहीं बल्कि पत्नी बन कर ही अपने बेटे को संतुष्ट करती भी थी और खुद भी मजा लूटती थी,,,, लेकिन अब तो अपनी बड़ी बहन के सामने भी उसे बिल्कुल सहज लगने लगा था इसलिए तो बेझिजक अपने बेटे से अपने कपड़े उतरवा कर नंगी हो चुकी थी,,,, अनायास ही आराधना का हाथ उसकी खुद की चूत पर चला गया था जिसे वह अपनी हथेली से ढक कर होले होले से रगड़ भी रही थी और उसे मसल भी रही थी जिसकी वजह से उसके बदन में उत्तेजना का संचार बड़ी तेजी से हो रहा था वह पूरी तरह से मस्त हुए जा रही थी और अपनी छोटी बहन को इस तरह से मस्ती करता हुआ देख कर साधना से भी रहा नहीं जा रहा था और वह खुद अपने हाथों में अपनी दोनों चूचियां लेकर जोर-जोर से मसल रहे थे यह सब देखकर संजू के बदन में अजीब सी हलचल हो रही थी,,, वह अपने लंड को हिलता हुआ कभी अपनी मां के खूबसूरत चेहरे की तरह तो कभी उसकी दोनों टांगों के बीच उसकी लाजवाब हरकत को देख रहा था तो कभी बगल के बिस्तर पर बैठे हुए अपनी मौसी की हरकत को देखकर मत हुआ जा रहा था कुल मिलाकर उसकी उत्तेजना बढ़ती चली जा रही थी,,,, बर्दाश्त तो उसे बिल्कुल भी नहीं हो रहा था वह दोनों को घोड़ी बनाकर चोदना चाहता था लेकिन इससे पहले दोनों के बदन से आनंद लेना चाहता था उनके फलों के रस को चूसना चाहता था,,, इसलिए वह अपने आप पर संयम रखा हुआ था,,,,

संजू )नई माँ क साथ

GIF-231107-153521.gif


वह कई बार अपनी मां की चुदाई कर चुका था और अपनी मौसी की भी लेकिन आज उसका दिल बड़े जोरों से धड़क रहा था वह जैसे ही अपने पैरों को मोड़कर अपने पैर के घुटने को बिस्तर पर रखा ही था कि कमरे में प्रकाशित हो रहा बल्ब एकदम से बुझ गया,,,, और तभी उसकी मौसी बोली,,,।

को लाइट चली गई रंग में भंग पड़ गया,,,,।

कोई बात नहीं दीदी वैसे भी खिड़की से उजाला तो आ ही रहा है,,,

नहीं मम्मी कमरे में इतना उजाला पर्याप्त नहीं है मैं आज की रात तुम दोनों के नंगे बदन की हर एक कोने को अपनी आंखों से अपने होठों से लगाकर छूकर देखना चाहता हूं इसलिए मुझे लालटेन जलानी होगी,,,,(और इतना कहने के साथ ही संजू जिसे अपना पर बिस्तर पर ले गया था वैसे ही पीछे हट गया और नग्न अवस्था में ही चलते हुए कैमरे के कोने में गया जहां पर लालटेन रखी हुई थी और पास में ही दिया सलाई भी रखी हुई थी,,,, लालटेन को जलाने का हुनर संजू अच्छी तरह से जानता था,,, और आराधना को लगता था कि उसका बेटा लालटेन जला नहीं पाएगा इसलिए वह बोली,,,।

तू नहीं जला पाएगा संजू,,,,

अरे कैसे नहीं जला पाऊंगा,,,,, मुझे सब आता है,,,(और इतना कहने के साथ ही समझो दिया सलाई में से एक माचिस की तिल्ली को बाहर निकाला और उसे जलते हुए उसकी रोशनी में एक हाथ से लालटेन के लैंप को थोड़ा सा ऊपर किया और उसकी बातें में माचिस की तिल्ली से उसकी लव जलाने लगा,,, और कुछ ही क्षण में लालटेन की लव जालना शुरू कर दी जिसे संजू,,, लालटेन की नोब को घुमाकर,,, लालटेन की लौ को थोड़ा और ज्यादा बढ़ा दिया जिससे पूरे कमरे में पल भर में ही पीली रोशनी फैल गई और सब कुछ साफ नजर आने लगा अपने बेटे की होशियारी पर आराधना भी मुस्कुरा दी उसे भी इस बात की खुशी थी कि कमरे में पूरी तरह से उजाला फैला हुआ था क्योंकि इस बात को अभी अच्छी तरह से जानती थी कि अंधेरे से ज्यादा मजा उजाले में चुदाई करने में आता है,,,, लालटेन को प्रकाशित करने के बाद संजू अपनी मां की तरफ घुमा और मुस्कुराता हुआ अपनी मां के बिस्तर की तरफ आगे बढ़ने लगा,,,,, यह देखकर साधना बोली,,,।

आराधना जरा संभल के आज तेरे बेटे का इरादा कुछ ठीक नहीं लग रहा है देख तेरे बेटे का लंड आज कुछ ज्यादा ही खड़ा हो गया है,,,।

कोई बात नहीं दीदी वैसे भी आज की रात मेरे बदन में भी कुछ अजीब सा एहसास हो रहा है ऐसा लग रहा है कि मेरी चूत मोटे-मोटे लंड को लेने के लिए ललाईत हुई जा रही है,,,,(आराधना एकदम से बेशर्म बनते हुए बोली उसकी बेशर्मी भरी बातें सुनकर संजू मुस्कुराता हुआ बोला)

देखी मौसी मम्मी एकदम रंडी जैसी बातें कर रही है तभी तो मम्मी को चोदने में मजा आएगा,,,

हा रे तेरी मां एकदम बदल गई है,,,,, सच में अब तो एकदम रंडी की तरह बातें करती है,,,,

यह सब तुम्हारी देन है दीदी वरना मैं तो यह सब करने के बारे में सोच भी नहीं सकती थी,,,

माँ और मौसी दोनों संजू क लुंड से खेलती हुयी

GIF-231107-153753.gif


चलो कुछ भी हुआ लेकिन मम्मी तुम्हारे लिए तो अच्छा हो गया ना कहां पापा का छोटा लंड,,, और कहां मेरा मोटा तगड़ा,,,(लंड को पकड़ कर अपनी मां की तरफ करके जोर-जोर से हिलाते हुए,,,) तुम कभी सपने में भी नहीं सोच सकती थी कि तुम्हें इतना सुख मिलेगा,,,

तू सही कह रहा है संजू अगर वह खंडहर ना होता तो शायद मैं तेरे सामने इस तरह से नंगी ना लेटी हुई होती,,,

यह सब का श्रेय जाता है लल्ली और मौसी को,,, अगर मौसी ना होती तो शायद मैं तुम्हारी चूत का मजा ना ले पाता,,,

बातें ही करता रहेगा कि कुछ करेगा भी मेरी चूत में आग लगी हुई है और तु है की अपना लंड सहला रहा है,,,,

अरे वाह तेरी मां को कितनी जल्दी है तेरे लंड को अपनी चूत में लेने के लिए,,,

क्या करूं मौसी मेरा लंड है ही इतना जबरदस्त की एक बार जो अपनी चूत में ले लेता है मेरे लंड का गुलाम बन जाता है,,,,

इतनी भी तारीफ मत कर संजू अपने लंड की आज की रात इसकी परीक्षा की घड़ी है सुबह तक हम दोनों की चुदाई करना है देखती हूं तेरे लंड में कितना दाम है तेरा लंड ठक्कर ढीला पड़ जाता है या हमारी चुत सिकुड़ती है ,,,,।

(आराधना एकदम से गर्म जोशी दिखाते हुए अपने बेटे को उकसाते हुए बोल रही थी,,,, लेकिन इस बात को आप भी अच्छी तरह से जानती थी कि उसके बेटे के लंड में बहुत दम है क्योंकि जब से वहां लोग गांव आए थे तब से वहां दोनों को बराबर छोड़ रहा था और बिना थके बिना पहले पानी निकाले उन दोनों को पानी पानी कर देता था,,,, लेकिन आज ऐसा लग रहा था कि जैसे एक औरत एक मर्द को चुनौती दे रही थी अपनी प्यास बुझाने के लिए आराधना की बातों में एक तरह की चुनौती ही थी क्योंकि आज उसका इरादा रात भर चुदवाने का था,,,, आज संजू के लंड की अग्नि परीक्षा थी जिसमें उसे सफलतापूर्वक पार होना था,,, अग्नि परीक्षा इसलिए क्योंकि औरत की चूत के अंदर इतनी आग होती है की कोई कच्चा खिलाड़ी अपना लंड औरत की चूत में डाले तो छूट की गर्मी से ही उसका लावा पिघल कर छूट जाता है और ऐसे हालात में ना तो वह औरत को संतुष्ट कर पता है और ना ही खुद ही आनंद ले पाता है लेकिन संजू एक मजा हुआ खिलाड़ी था उसे औरत की चूत की चिकनाहट का अच्छे से अंदाजा था वह चिकनाहट भरी राह पर अपना घोड़ा दौड़ाना अच्छी तरह से जानता था,,, इसीलिए तो दोनों बहने संजू के मर्दाना अंग की कायल थी लेकिन फिर भी जानबूझकर आराधना अपने बेटे को चुनौती दे रही थी जिसे संजू हर्स पूर्वक स्वीकार कर लिया था,,,, इसलिए अपनी मां की चुनौती का जवाब देते हुए बोला)

साधना लुंड चुस्ती हुयी

GIF-231107-153901.gif


तो चलो ठीक है तो मेरा वादा है जब तक तुम दोनों खुद अपने मुंह से बस अब रहने दे नहीं बोल देती तब तक मैं तुम दोनों की चुदाई करता ही रहूंगा देखता हूं आज कौन थकता है मैं या तुम दोनों,,,(और इतना कहने के साथ ही संजू अपने पैर को घुटनों से मोड कर उसे नरम गाड़ी पर रखकर बिस्तर पर चढ़ गया और धीरे-धीरे अपनी मां की दोनों टांगों के बीच जाने लगा संजू को अपनी तरफ आता हुआ देखकर संजू की मां खुद अपनी दोनों टांगों को धीरे-धीरे खोल दी थी,,, और औरत का यही रूप दुनिया के हर मर्दों की सबसे बड़ी कमजोरी होती है,,, क्योंकि मर्द को देखकर धीरे से अपनी टांगों को खोलने का मतलब होता है कि वह उसे अपनी तरफ आकर्षित करते हुए से आमंत्रण दे रही है कि आओ मेरी प्यास बुझाओ और यही हाल इस समय आराधना का था और संजू अपनी मां की इस अदा पर पूरी तरह से फिदा हो चुका था इसलिए उत्तेजना दर्शाते हुए अपने दोनों हथेली को अपनी मां की मोटी मोटी गोरी मक्खन जैसी चिकनी जांघों पर रखकर उसे जोर से दबोच लिया और संजू के ऐसा करने पर आराधना की हल्की सी सिसक निकल गई लेकिन इस दर्द में भी आराधना को मजा आ रहा था उसके चेहरे पर उत्तेजना के भाव साफ झलक रहे थे पल भर में ही उसका गोरा मुखड़ा टमाटर की तरह लाल हो गया था और संजू इस मदमस्त खेल की शुरुआत करते हुए अपने होठों को अपनी मां की मक्खन जैसी जांघ पर रखकर उसे चूमना शुरू कर दिया,,, संजू की हरकत से आराधना के बदन में कसमसाहट बढ़ने लगी पल-पल वह उत्तेजना के सागर में डूबती चली जा रही थी,,,, और साधना अपनी छोटी बहन और अपने भतीजे की काम लीला को अपनी आंखों से देख कर मदहोश हुए जा रही थी,,,,

संजू धीरे-धीरे अपनी हरकतों की वजह से अपनी मां के बदन में आग लग रहा था वह रह रहकर अपनी मां की गोरी गोरी जांघों को दांतों से काट ले रहा था जिससे आराधना के मुंह से चीख निकल जाती थी लेकिन यह चीख सीमित रूप से दबी हुई थी जिसका मजा दोनों मां बेटे ले रहे थे,,,, देखते ही देखते संजू अपनी मां की जानू के साथ-साथ उसके घुटनों से लेकर पैर के तलवे तक सभी जगह पर अपने होंठ से चुंबन ले रहा था चाट रहा था आज पहली बार संजू अपनी मां के खूबसूरत पैरों से इतना प्यार कर रहा था और इसमें आराधना को आनंद और उत्तेजना दोनों प्राप्त हो रहा था आराधना उत्तेजित होते हुए खुद अपने पैर के अंगूठे को अपने बेटे के होठों पर रखकर रगड़ रही थी और ऐसा लग रहा था कि जैसे संजू अपनी मां के मन की बात को उसकी मनसा को अच्छी तरह से समझ गया हो इसलिए धीरे से अपनी होठों को खोलकर अपनी मां के पैर के अंगूठे को अपने मुंह में भरकर चूसना शुरू कर दिया मैंने के जैसे एक औरत मर्द के लंड को चूस रही हो,,,, संजू पागल हुआ जा रहा था और अपनी मां को मदहोश बना रहा था वह बड़ी-बड़ी से अपनी मां के दोनों पैरों के अंगूठे को मुंह में लेकर चूस रहा था और यह देखकर साधना से रहा नहीं जा रहा था और वह अपनी जगह से उठी और धीरे से चलकर आराधना के बिस्तर पर बैठ गई और फिर अपना एक हाथ आराधना की चूची पर रखकर उसे दबाना शुरू कर दी आराधना के मुंह से गरमा गरम सिसकारी फूट पड़ी आराधना के बदन पर दोनों तरफ से उत्तेजना के गोले दागे जा रहे थे एक तरफ उसका बेटा था तो दूसरी तरफ उसकी बड़ी बहन थी दोनों पागलों की तरह उसके बदन से खेल रहे थे एक चूची से शुरुआत करने के बाद साधना अपनी बहन की दोनों चूचियों को हाथ में लेकर दबा रही थी मानो कि जैसे उसके हाथ में दशहरी आम लग गया हो,,,,,।

पूरी तरह से कमरे का माहौल गर्मा चुका था गांव में लाइट जा चुकी थी खिड़की से दूर तक देखने पर घरों में अंधेरा नजर आ रहा था किसी भी तरह से ना तो लालटेन जली हुई थी नहीं मोमबत्ती क्योंकि समय काफी हो चुका था और ऐसे में गांव वाले चैन की नींद सो रहे थे लेकिन संजू उसकी मां और उसकी मौसी तीनों की आंखों में नींद कोसों दूर थी तीनों जवानी के जोश में अपने-अपने तरीके से अपना हुनर दिखा रहे थे संजू पागलों की तरह अपनी मां की मोती मोती चिकनी जांघों पर अपने होंठ रगड़ रहा था और साधना आराधना की दोनों चूचियों को हाथ में लेकर जोर-जोर से मसलकर टमाटर की तरह लाल कर दी थी और आराधना दोनों तरफ के हमले से पूरी तरह से बेहाल हो चुकी थी उसके मुंह से लगातार गरमा गरम शिसकारी की आवाज निकल रही थी,,,।

दोनों बहाने मजा लेती हुयी

GIF-231107-154427.gif


सहहहह आहहहहह ऊमममममममम ,(नरम नरम गद्दे पर कसमसाते हुए,,) तुम दोनों,,,, मुझे पागल कर दोगे,,,,,ससहहहहहह आआआआआआआ मेरी हालत खराब हो रही है मुझसे रहा नहीं जा रहा है,,,ऊमममममम संजू,,,,(ऐसा कहते हुए आराधना अपनी हथेली को अपने बेटे के सर पर रखकर उसे अपनी तरफ खींच रही थी खास करके अपनी दोनों टांगों के बीच की पतली दरार की तरफ जिसमें इस समय गर्म लावा फूट रहा था और संजू भी इस बात को अच्छी तरह से जानता था कि उसकी मां को क्या चाहिए लेकिन वह कुछ देर तक और अपनी मां को तड़पाना चाहता था इसीलिए तो वह उसकी मोटी मोटी जांघेो को अपनी हथेली में लेकर दबोच रहा था उससे खेल रहा था और उस पर चुम्बन करते हुए अपने होठों को रगड़ रहा था,,,, ऐसा करने में संजू को अद्भुत सुख प्राप्त हो रहा था वैसे भी औरत के बदन का हर एक कोना आनंद प्रमोद से भरा होता है बस उसका लाभ उठाने वाला चाहिए मर्द को इतना हुनर होना चाहिए कि वह औरत के कौन से अंग से कितना आनंद ले सकता है बाकी तो औरत के बदन का हर एक हिस्सा सर से लेकर पांव की उंगलियां तक में आनंद ही आनंद छुपा होता है और इस बात को संजू अच्छी तरह से जानता था और इस समय वह भी यही कर रहा था वह जानता था कि उसकी मां की चूत की स्थिति पाल-पाल खराब होती जा रही है क्योंकि वह तिरछी नजर से अपनी मां की दोनों टांगों के बीच की पतली दरार को देख ले रहा था जो की उत्तेजना के मारे कचोरी की तरह फुल चुकी थी और उसमें से मदन रस लगातार बह रहा था,,,,

कुछ देर तक यह सिलसिला यूं ही चलता रहा,,, एक ही बिस्तर पर तीनों अपना आसन जमा चुके थे संजू अपनी मां की दोनों टांगों के बीच घुटनों के बाल आ चुका था और वह धीरे से अपनी दोनों हथेली को अपनी मां की दोनों जांघों पर रखकर उसे हल्के से फैलाया जिससे उसकी मां की गुलाबी चूत की गुलाबी फांके हल्की सी खुल गई जिसे देखकर संजू के होठों पर मादक मुस्कान तैरने लगी उसकी आंखों में वासना की चमक नजर आने लगी वह पूरी तरह से मदहोश हो गया और बिना देर किए तुरंत अपने होठों को,,, अपनी मां की खुली हुई चूत पर रख दिया और उसे चाटना शुरू कर दिया पल भर में ही आराधना के बटन में उत्तेजना का संचार बड़ी तेजी से होने लगा और वह अपनी गोल-गोल गांड को गद्दे पर ही रगड़ने लगी,,,,, संजय तुरंत अपनी मां की चिकनी कमर को दोनों हाथों से पकड़ कर अपनी फोटो को नीचे से लेकर ऊपर की तरफ रगड़ना शुरू कर दिया उसके होठों का दबाव आराधना की चूत की गुलाबी पत्तियों पर इतनी जोर से हो रहा था कि आराधना से अपनी जवानी कि आग अपनी उत्तेजना संभल नहीं रही थी और भल भला कर उसकी चूत से पानी निकलना शुरू कर दिया आराधना संजू की हरकतों से झड़ चुकी थी,,,, संजू पीना अपना लंड अपनी मां की चूत में डालें उसका पानी निकल चुका था यही तो बात थी संजू में यही तो उसकी करामात थी औरतों के अंगों से खेलने का हुनर वह अच्छी तरह से जानता था औरत को सुख देना वह अच्छी तरह से जानता था वह जानता था कि कौन सी क्रिया से औरत को अत्यधिक आनंद की प्राप्ति होती है और वह सारे हुनर को आज बिस्तर पर अपनी मां पर आजमा रहा था,,,,

संजू भरपूर मजा देते हुए

GIF-231107-154535.gif


आराधना की ऊपर नीचे हो रही चूचियों को सुषमा अपने हथेलियां में दबाकर जोर-जोर से उसका रस निकालने में लगी हुई थी वह भी पूरी तरह से पागल हो चुकी थी आराधना भी अपना हाथ ऊपर की तरफ ले जाकर अपनी बड़ी बहन की चूची को दोनों हाथों से पकड़ ली थी और उसे दबाने का सुख भोग रही थी,,,। आराधना अपने मन में यही सोच रही थी कि अच्छा ही हुआ कि वह अपनी बहन के सामने पूरी तरह से खुल गई वरना अपनी बहन की उपस्थिति में अगर कभी आनंद लेने का मन करता था तो वह हीचकीचाती थी लेकिन अब सब कुछ सही हो चुका था अब वह जब चाहे तब अपनी बहन की उपस्थिति में भी अपने बेटे के लंड का मजा ले सकती थी,,,,

संजू पूरी तरह से अपनी मां की जवानी पर छा चुका था संजू रह-रहकर अपनी मां की कमर को दोनों हाथों मैं पकड़ कर दा पहुंच लेता था तो कभी उसकी मोती मोती जांघों को अपनी हथेली में दबाकर उसे ज़ोर से मसल देता था ऐसा करने में भी उसे बेहद आनंद की प्राप्ति होती थी एक तरह से उत्तेजना की स्थिति में मर्द औरत के साथ क्रूर बन जाता है लेकिन इस कुरर्ता में भी औरतों को आनंद ही आनंद प्राप्त होता है और ऐसा आराधना के साथ भी हो रहा था,,,, लगातार उसके मुख से मादक शिसकारी गुंज रही थी,, क्योंकि इस समय सबसे ज्यादा सुख भोग रही थी वह आराधना थी क्योंकि उसके बदन का हर एक अंग उसकी बड़ी बहन और उसके बेटे के हाथों में थी और संजू के होंठ तो उसकी गुलाबी चूत में भिड़े हुए थे,,,, लगातार आराधना की चूत से मदन ट्रस्ट पक रहा था जिसे संजू अपनी जीभ लगाकर चाट जा रहा था अपनी मां की चूत से निकले मादक रस की एक बूंद को भी वहां जाया होने नहीं दे रहा था वह हर एक बूंद को अपने गले के नीचे घटक ले रहा था ऐसा लग रहा था कि जैसे आराधना की चूत से अमृत की धार फूट रही हो जिसे पीकर चाटकर संजु को और ज्यादा ताकत मिल रही थी,,,, अपनी छोटी बहन की चूचियों से खेल रही साधना को भी यह सुख भोगने था वह भी चाहती थी कि संजू उसकी चूत को चाटे उसके चूत से खेले इसलिए उससे रहा नहीं गया और वह बोली,,,।

अरे हरामि सारा मजा अपनी मां को ही देगा कि मुझे भी मजा लेने देगा,,,,,,

(अपनी बड़ी बहन की है बात सुनकर आराधना को इस बात का एहसास हुआ कि वह काफी देर से अपने बेटे से मजा ले रही है और उसकी बड़ी बहन केवल उसकी चूची से खेल कर अपनी जवानी की गर्मी को और ज्यादा गर्म कर रही है लेकिन इस समय उसे अपने बेटे से बहुत मजा मिल रहा था इसलिए उसे अपनी बहन की है बात कुछ अच्छी नहीं लगी लेकिन मैं कुछ बोल नहीं पा रही थी वह अपने लाल-लाल होठों को खोल गर्म गर्म सांसे अंदर बाहर कर रही थी लेकिन संजू को अपनी मौसी की दरकार थी इसीलिए वह अपने हाथ से इशारे से उसे कुछ देर रुकने के लिए बोला और अपनी मां की चूत में पूरी की पूरी जीभ डालकर उसकी चूत की मलाई को चाटने की कोशिश करने लगा,,,, अपनी मां की चूत चाटने में संजू इतना ज्यादा मशगूल हो जाता था कि वह अपनी नाक तक को भी उसमें डालने की कोशिश करता था जिससे आराधना के मदन रस उसकी नाक डूब जाती थी,,,,।

अपनी माँ और मौसी दोनों को मस्त करता हुआ संजू

GIF-231107-154645.gif


संजू एक साथ दोनों की चूत का मजा लेना चाहता था इसलिए उसके दिमाग में एक युक्ति आई और वह तुरंत अपनी मां की चूत पर से अपनी होठों को हटाकर गहरी गहरी सांस लेते हुए अपनी मौसी से बोला ,,)

अब तुम लेट जाओ मौसी,,,,,, (संजू अपने खड़े लंड को हाथ में लेकर उसे हिलाते हुए बोला,,, संजू की इस हरकत की वजह से आराधना की चूत में पूरी तरह से पानी भर जाता था इस समय उसका उठने का मन बिल्कुल भी नहीं था लेकिन वह अपनी बड़ी बहन को नाराज भी नहीं करना चाहती थी इसलिए धीरे से अपनी जगह से उठकर बैठ गई और साधना जो कि अपने नंबर का इंतजार कर रही थी वह अपनी छोटी बहन की जगह पर पीठ के बल लेट गई उसकी आंखों में अपनी पारी आने की खुशी साफ नजर आ रही थी उसके होठों पर मादक मुस्कान के साथ-साथ आनंद प्राप्त करने की हठ भी नजर आ रही थी,,,, साधना बिस्तर के बीचो-बीच अपनी भारी भरकम गांड रखकर लेट चुकी थी,,, और संजू अपनी मां की तरफ देखते हुए बोला,,,)

तुम भी आओ मेरी रानी तुम क्यों दूर बैठी हो,,,,

(अपने लिए रानी शब्द का प्रयोग सुनते ही आराधना की चूत उत्तेजना के मारे फूलने पिचकने लगी लेकिन उसे समझ में नहीं आ रहा था कि उसे क्या करना है इसलिए वह कुछ देर तक आश्चर्य से अपने बेटे की तरह देखती हुई बैठी रही तो संजू खुद ही उसकी शंका को दूर करते हुए बोला,,,)

तुम गांड को मेरी तरफ करके घोड़ी बन जा मैं एक साथ दोनों को मज़ा देना चाहता हूं दोनों की चूत चाटना चाहता हूं,,,,।

(संजू की बात सुनकर आराधना के तन बदन में उत्तेजना की चिंगारी फूटने लगी,, वह समझ गई थी कि उसका बेटा क्या करने वाला है ,,, वह तुरंत पोजीशन में आने लगी वह अपनी बेटी की बात मानते हुए अपने घुटनों को मोड़कर अपनी बहन के कमर के इर्द-गिर्द रखकर वह झुक कर घोड़ी बन गई ऐसी अवस्था में उसके गोलाकार नितंब हवा में तोप की तरह लहराने लगे,,,, संजू को अपनी मां की यह अवस्था बेहद लुभावनी लग रही थी,,,,,, वह कुछ देर तक उत्तेजना के मारे अपने खड़े लंड को हाथ में लेकर कस के दबाते हुए अपनी मां की गोल गोल गांड को ही देख रहा था और अपने मन में यही सोच रहा था कि दुनिया की चाहे कितनी भी खूबसूरत से खूबसूरत औरत उसे बिस्तर पर मिल जाए लेकिन उसकी मां जैसी खूबसूरत औरत उसे जिंदगी में नहीं मिलने वाली,,, और यही बात अपने मन में सोच कर वह दोनों हाथों से अपनी मां की गोल-गोल गांड को थाम लिया और हल्के से अपनी मां की गांड पर प्यार से चुम्मा ले लिया,,,, यह सब आराधना पीछे नजर घुमा कर देख रही थी और अपने बेटे की क्रियाकलाप का आनंद ले रही थी उसे इस बात का एहसास हो रहा था कि उसकी खूबसूरती उसकी मदमस्त कर देने वाली गांड को देखकर उसका बेटा कितना दीवाना हुआ जा रहा है और इस बात से उसके गर्व भी था,,,, उत्तेजना के मारे आराधना करमा जा रही थी वह अपनी गोल-गोल कांड को दाएं-बाएं हिला रही थी और ऐसा करके वह अपने बेटे को अपनी तरफ आकर्षित कर रही थी और अपनी चूत पर उसके होठों का स्पर्श महसूस करने के लिए तड़प रही थी,,,, संजू अपनी मां और अपनी मौसी दोनों की तड़प को अच्छी तरह से समझ रहा था इसलिए वह सबसे पहले अपनी मां की चूत पर अपने होंठ रखकर उसके टपक रहे रस को अपने जीभ से अंदर लेते हुए गले के नीचे गटक लिया मानो कि किसी अहम कार्य की शुरुआत करने से पहले आशीर्वाद ले रहा हो,,,,,।

अपनी माँ की बड़ी गांड से मस्त होता हुआ संजू

GIF-231107-154807.gif


नीचे लेटी हुई साधना तड़प रही थी अपनी चूत पर संजू के होठों का स्पर्श पाने के लिए इसलिए वह भी अपने घुटनों को मोड़कर अपने घुटनों को हिला रही थी एक तरह से वह संजू का ध्यान अपनी तरफ आकर्षित करने की कोशिश कर रही थी और संजू भी अच्छी तरह से जानता था अपनी मौसी की हालत को इसलिए अपने दोनों हाथों को अपनी मौसी की मोटी मोटी जांघ पर रखकर अपने होठों को अपनी मौसी की चूत पर रख दिया और उसका रस चाटना शुरू कर दिया उसकी मौसी की पूरी तरह से चुदवाती हो चुकी थी वह एक का एक अपने भतीजे के होठों को अपनी चूत पर महसूस करते ही वह अपनी उत्तेजना को बर्दाश्त नहीं कर पाई और अपने आप ही उसकी गांड हवा में उपर उठ गई,,,, जिसे संजु अपने हाथों से पकड़ कर नियंत्रण में करते हुए उसे वापस बिस्तर पर दबा दिया और पागलों की तरह अपनी मौसी की चूत को चाटना शुरू कर दिया,,,, संजू को ऊपर नीचे दोनों तरफ से मजा मिल रहा था वह बड़ी-बड़ी से अपनी मां और अपनी मौसी दोनों की चूत का आनंद ले रहा था जब संजू अपनी मौसी की चूत चाटता तो आराधना मस्ती से पागल होकर अपनी भारी भरकम गांड को अपने बेटे के सर पर रख देती जिसे सर पर भारी भरकम गांड का दबाव करते हैं संजू के होंठ नाक सहित साधना की चूत में डूबने लगते थे और ऐसा करने पर साधना को बेहद आनंद की प्राप्ति होती थी,,,,, संजू बराबर बारी-बारी से अपनी मां और मौसी दोनों को मजा दे रहा था,,,,।

जब संजू घोड़ी बनाकर अपनी मां की चूत चाट रहा था तब उसका ध्यान बार-बार अपनी मां की गांड के छोटे से छेद पर जा रहा था जिसे देखकर ना जाने की उसके तन बदन में आंख से लग जाती थी और उसकी उत्तेजना पल भर में ही बढ़ जाती थी उसके लंड की अकड़न भी कुछ ज्यादा ही बढ़ने लगती थी इसलिए संजू का आकर्षण अपनी मां की गांड के छोटे से छेद पर कुछ ज्यादा ही बढ़ता जा रहा था और वह बार-बार उसे उंगली से छेड़ दे रहा था और जब जब वह उंगली से अपनी मां की गांड के छेद को छेड़ता तब तक आराधना एकदम से उचक जाती थी उसके बदन में मानो जैसे करंट लग गया हो,,,, संजू कई औरतों के साथ हम बिस्तर हुआ था लेकिन आज तक उसने किसी औरत की गांड नहीं मारा था,,, इसलिए ना जाने क्यों आज उसका मन कुछ बदला बदला सा लग रहा था उसका आकर्षण बार-बार अपनी मां की गांड के छोटे से छेद की तरफ बढ़ता ही जा रहा था,,,, एक बार उसने अपनी मौसी के साथ गांड से छेड़छाड़ की कोशिश भी किया था लेकिन इसकी मौसी ने उसे मना कर दी थी,,,,, लेकिन आज उसका मन कुछ ज्यादा ही मचल रहा था इसलिए वह देखते ही देखते हैं इतने होठों को अपनी मां की गांड के छोटे से छेद पर रख दिया और उस छेद को जब से चाटना शुरू कर दिया,,,, आराधना के लिए यह बेहद अद्भुत था जिसकी उसे उम्मीद भी नहीं थी अपने बेटे के हॉट और जीभ का स्पर्श अपनी गांड के छोटे से छेद पर महसूस करते ही वह एकदम से पागल हो गई एकदम से गनगना गई और उसकी चूत से एक बार फिर से लावा फूट पड़ा वह तुरंत पलट कर अपने बेटे की तरफ देखने लगी,,,, और आराधना को केवल उसके बेटी का सर दिख रहा था जो उसकी गांड के बीचोंबीच जमा हुआ था,,,, आराधना से अपनी उत्तेजना बर्दाश्त नहीं हो रही थी संजू लगातार अपनी मां के उसे छोटे से छेद को चाट रहा था वह पागल हुए जा रही थी उत्तेजना का संचार उसके बाद में बड़ी तेजी से बढ़ रहा था और ऐसे में वह तुरंत अपनी बड़ी बहन की दोनों चूचियों को पकड़कर दबाना शुरू कर दी,,,, और यही क्रिया साधना भी आराधना की चूचियों के साथ करने लगी दोनों बहने आपस में पूरी तरह से मस्त हुए जा रही थी ,,साधना को तो इस बात का एहसास भी नहीं था कि संजू अपनी मां की गांड चाट रहा है,,,।

आराधना और साधना

GIF-231107-155317.gif


संजू अपनी मां की गांड से उठ रही मटक खुशबू में पूरी तरह से खो चुका था मदहोश हो चुका था वह पागलों की तरह,,,, अपनी मां की गांड को चाट रहा था तब तक सब कुछ ठीक था जब तक संजू अपनी मां की गांड के छोटे से छेद को अपनी जीभ से कुरेद कुरेद कर चाट रहा था,,, लेकिन जैसे ही संजू की मस्ती बढ़ने लगी और संजू अपनी उंगली को अपनी मां की गांड के छोटे से छेद में प्रवेश कराने के लिए अपनी उंगली को अपनी मां की गांड के छोटे से छेद से सत्या तब तक तो सब कुछ ठीक था आराधना को भी बहुत मजा आ रहा था यह पहली बार था जब उसका बेटा उसकी गांड को चाट रहा था और यह एहसास उसके तन बदन में उत्तेजना को और ज्यादा बढ़ा रहा था एक कसमसाहट उसके बदन में बढ़ने लगी थी,,,, लेकिन जैसे ही उसे महसूस हुआ की संजू कुछ अलग करने जा रहा है वह एकदम से चौंक गई,,,, उसे साफ महसूस होने लगा था कि उसका बेटा अपनी उंगली को उसकी गांड के छेद में डालने की कोशिश कर रहा है और वह तुरंत उचक कर अपने बेटे की तरफ देखने लगी,,,।

यह क्या कर रहा है संजू,,,,?

कुछ नहीं मम्मी बस अपने दोनों के आनंद को बढ़ा रहा हूं,,,(ऐसा कहते हुए वह अपनी उंगली को प्रवेश करने की कोशिश करने लगा लेकिन गांड का छोटा सा छेद आराधना ने सिकोड़ ली थी,,, इसलिए संजू को अपनी मां की गांड में उंगली डालने में दिक्कत पेश होने लगी तो वह बोला,,,)

यह क्या कर रही हो मम्मी,,,

नहीं संजू ऐसा बिल्कुल भी मत करना,,,,

(उन दोनों की बातें सुनकर साधना बीच में बोल पड़ी)

अरे क्या मत करना क्या करने से रोक रही है तू,,,

अपने बेटे को मस्त करती हुयी a4Sdha

GIF-231107-155428.gif


अरे देखो ना दीदी संजू मेरी गांड में उंगली डाल रहा है,,,

हाय दइया यही हरकत संजू ने मेरे साथ भी किया था लेकिन मैंने उसे उंगली डालने नहीं दी थी,,, वह तो लंड डालने पर उतारू था,,,,

क्या कह रही हो दीदी,,,(अपनी बहन की तरफ देखते हुए फिर एक पीछे मुड़कर संजू की तरफ देखकर बोली) यह क्या पागलपन है संजू ऐसा कोई करता है क्या,,,?

तुम दोनों औरतें शहर में रहने के बावजूद भी एकदम पागल हो,,, ऐसा सब लोग करते हैं और इसमें बहुत मजा आता है मर्द को भी और औरत को भी और यही मजा में तुम दोनों को देना चाहता हूं,,,,

तुझे कैसे मालूम कि सब लोग करते हैं,,,,(आराधना इस तरह से घोड़ी बनी अपने बेटे की तरफ देखकर बोली)

मेरा दोस्त मुझे बता रहा था और तुम दोनों तो इंकार कर रही हो लेकिन मेरे दोस्त का संबंध उसकी चाची के साथ ही है जो कि तुम दोनों की ही उम्र की है और उसकी चाची ने उसे खुद ऐसा करने के लिए कही थी,,,(संजू अपना उल्लू सीधा करने के लिए बनावटी बात बनाकर बोला)

क्या कह रहा है संजू खुद उसकी चाची ने ऐसा कही थी,,,(साधना एकदम हैरान होते हुए बोली क्योंकि वह इस बात को अच्छी तरह से जानती थी की औरतों की गांड का छेद चूत की तरह नहीं होता वह एकदम छोटा होता है और मर्द का लंड मोटा और लंबा होता है इस हालत में गांड के छेद में लंड प्रवेश कर पाना बहुत मुश्किल होता है अगर किसी भी तरह से प्रवेश कर भी दिया जाए तो बहुत ज्यादा दर्द भी होगा,,)

अपनी माँ की चड्ढी उतरता हुवा संजू

GIF-231107-155540.gif


हां मौसी मेरा दोस्त मुझे सब कुछ बताता है,,,,, और सच कहूं तो उसी ने बताया था कि उसे इतना मजा आता है कि पूछो मत और उसकी चाची भी इतना मजा लूटती है कि पागल हो जाती है उसकी बात सुनकर ही मुझे ऐसा लग रहा है कि हम तीनों को भी एक बार आजमाना चाहिए और वैसे भी मजा ही आता होगा तभी तो वह बता रहा था तभी तो उसकी चाची पागल हुई जा रही थी गांड मरवाने के लिए,,,,

लेकिन दीदी,,,(चेहरे पर थोड़ा सा चिंता के भाव लिए हुए अपनी बहन की तरफ देखते हुए हालांकि अभी भी वह घोड़ी बनी हुई थी और उसकी मदमस्त गांड उसके बेटे के हाथों में ही थी) गांड का छेद तो छोटा होता है और अपनी संजू का लंड कुछ ज्यादा ही मोटा और लंबा है,,,,

हां यह बात तो है आराधना,,,,(साधना भी थोड़ा सोच कर बोली और उसकी बात सुनते ही संजू बोल पड़ा)

कोई बात नहीं मौसी मैं बड़े आराम से करूंगा और पहले तो तुम दोनों की गांड के छेद में अपने लैंड के लिए जगह बना लूंगा उसके बाद ही लंड को डालूंगा मैं जानता हूं शुरुआत में थोड़ा दर्द होगा लेकिन मजा भी बहुत आएगा मुझे पूरा विश्वास है क्योंकि मेरा दोस्त कभी झूठ नहीं बोलता और वैसे भी चिंता करने की कोई बात नहीं है सरसों का तेल लगाकर करेंगे तो आराम से चल जाएगा,,,,,,(संजू किसी भी तरह से अपनी मां और मौसी दोनों को मना लेना चाहता था आज की रात वह अपनी मां और अपनी मौसी दोनों की गांड मारना चाहता था इसलिए दोनों को मक्खन लगा रहा था और दोनों संजू की बात में आ भी चुकी थी लेकिन फिर शंका जताते हुए आराधना बोली,,)

आराधना और संजू

GIF-231107-155636.gif


लेकिन संजू बेटा यह बात तो भी अच्छी तरह से जानता है कि तेरा लंड कुछ ज्यादा ही मोटा और लंबा है और तेरे दोस्त की चाची तो पहले से ही गांड मरवाती आ रही होगी इसलिए कोई दिक्कत नहीं होती और हम दोनों का तो पहली बार हैं,,,,,

क्या मम्मी तुम भी खामखा घबराती हो हर इंसान कोई ना कोई काम पहली बार ही करता है,,,, याद है पहले भी तुम मेरे लंड को देखकर घबरा गई थी कि तुम इसे अपनी चूत में ले पाओगे कि नहीं लेकिन आराम से ले लेना और इसी तरह से तुम अपनी गांड में भी ले लोगी तुम दोनों को इतना मजा आएगा कि पूछो मत तुम दोनों को मेरे लिए इतना तो करना ही पड़ेगा,,,,,।

०(संजू की बात सुनकर दोनों बहने सोचने पर मजबूर हो गई थी,,,, संजू के लैंड को लेकर उन दोनों के मन में थोड़ा डर तो था ही गांड मरवाने के लिए क्योंकि वह दोनों बहने अच्छी तरह से जानते थे कि उन दोनों की गांड का छेद संजू के लंड के सुपाडे से कुछ ज्यादा ही छोटा है,,,, लेकिन उन दोनों बहने के मन में भी उत्सुकता जगने लगी थी गांड मरवाने के लिए,,, क्योंकि जिस तरह से संजू ने अपनी जीत की करामात उसकी गांड के छोटे से छेद पर दिखाया था उससे वह पूरी तरह से मचल उठी थी व्याकुल हो चुकी थी,, अब उसका भी मन कर रहा था संजू के लंड को अपनी गांड में लेने के लिए ,,,,। दोनों मां ही मन में राजी हो चुकी थी लेकिन फिर भी एक दूसरे को प्रश्नार्थ भरी नजरों से देख रही थी और कुछ देर बाद साधना बोली,,,)

अपनी माँ की गांड क चंद का मुआयना करता संजू

GIF-231107-155817.gif


देख संजू तेरी बात मान कर हम दोनों तैयार है,,,,,, लेकिन किसी भी तरह से हम दोनों को तकलीफ नहीं होनी चाहिए,,,

तुम दोनों बिल्कुल भी चिंता मत करो आज तक मैं तुम दोनों को कोई तकलीफ दिया है बल्कि मजा ही मजा दिया हूं और इसमें भी तुम्हें बहुत मजा दूंगा मेरा यकीन करो,,,,

लेकिन संजू मुझे बहुत डर लग रहा है,,,,(आराधना थोड़ा घबराहट भरे स्वर में बोली,,,)

मुझ पर भरोसा रखो,,,,(और इतना कहने के साथ ही संजू एक बार फिर से अपने प्यासे होंठों को अपनी मां की गांड के छोटे से छेद पर रख दिया और उसे चाटना शुरू कर दिया पल भर में ही आराधना पूरी तरह से मस्त होने लगी,,,,,,,, और इस दृश्य को साधना अपनी आंखों से देख रही थी इस गरमा गरम दृश्य को देखकर इस मदहोश कर देने वाले नजारे को देखकर उसकी चूत पूरी तरह से कचोरी की तरह फूल गई और उसे भी उत्सुकता होने लगी अपनी गांड चटवाने की,,, इसलिए वह बोली,,,)

अपने लिए जगह बनता हुवा संजू

GIF-231107-160032.gif


अरे मेरे राजा थोड़ा इस पर भी कृपा कर दे,,,(हाथ के इशारे से अपनी गांड दिखाते हुए)

क्यों नहीं मौसी तुम दोनों को बराबर मजा दूंगा दोनों एकदम मस्त हो जाओगी,,,,

(और अपनी मौसी की बात मानते हुए संजू अपनी मां की गांड के छेद से अपने होठों को हटाकर अपनी मौसी की गांड के छेद पर रख दिया और से चाटना शुरू कर दिया साधना पूरी तरह से मदहोश होने लगी वह इस आनंद में होने लगी उसे यकीन नहीं हो रहा था कि इस खेल में इतना मजा आता है वह पागलों की तरह उत्तेजित अवस्था में अपनी छोटी बहन की चूची को जोर-जोर से दबाते हुए गरम आहे भर रही थी,,,,।,,, संजू की तो जैसे लॉटरी लग गई थी पहली बार में ही उसे दो औरतों की गांड मारने को मिल रही थी लेकिन राह बड़ी कठिन थी इस बात को संजू अच्छी तरह से जानता था उसे जल्दबाजी बिल्कुल भी नहीं दिखाना था वह जानता था कि इस कठिन राह पर फुंक फुंक कर कदम आगे रखना है,,, क्योंकि जरा सी गलती सारे मजा को किरकिरा कर सकती थी,,,,, इसलिए संजू कुछ देर तक बारी-बारी से दोनों औरतों की गांड को चाटता रहा दोनों पूरी तरह से पागल हो चुकी थी,,, संजू को अपनी मां की हरकत बेहद उत्तेजित कर देने वाली लगती थी क्योंकि जब भी वह अपनी मां की गांड के छेद पर अपने होठ रखता था उसकी मां अपनी भारी भरकम गोल-गोल गांड को उसके चेहरे पर घूमाना शुरू कर देती थी,,, मानो की अपनी गांड को उसके चेहरे पर रगड़ रही हो,,,।

संजू अपनी मां की स्थिति को देखकर और अपनी मौसी की हालत को देखकर समझ गया था कि लोहा धीरे-धीरे गर्म हो चुका है इसलिए वह अब अपने लिए रास्ता बनाना चाहता था इसलिए वह अपनी एक उंगली को अपने मुंह में डालकर गिला करके अपनी मां की गांड के छोटे से छेद में डालना शुरू किया जैसे ही संजू ने अपनी उंगली को अपनी मां की गांड के छेद में प्रवेश करना शुरू किया वैसे ही आराधना कसमसाने लगी,,,, लेकिन अपने बेटे को रोकने की कोशिश बिल्कुल भी नहीं की क्योंकि वह भी जानती थी कि उसे भी मजा आ रहा है और वह अपने बेटे की हरकत को महसूस करते हुए मजा लूट रही थी देखते ही देखते संजू अपनी एक उंगली को अपनी मां की गांड के अंदर प्रवेश कर दिया संजू को इतने से ही पता चल गया था कि उसकी मां की गांड का छेद एकदम कसा हुआ है जिसमें वाकई में मोटा लंड घुसा पाना मुश्किल है लेकिन फिर भी वह हार मानने वाला नहीं था देखते हो अपनी एक उंगली को अपनी मां की गांड के छेद में अंदर बाहर करना शुरू कर दिया उसकी मां को चुदाई का अद्भुत आनंद प्राप्त हो रहा था पहली बार आराधना अपनी गांड में किसी की उंगली को अंदर बाहर होता हुआ देख रही थी और इस बारे में उसने कभी जिंदगी में नहीं सोची थी कि कोई उसकी गांड से इस कदर खेलेगा कि उसकी गांड मारने पर उतारु हो जाएगा,,,,।

संजू और उसकी मौसी

GIF-231107-154001.gif


अब कैसा लग रहा है मम्मी,,,,(अपनी एक उंगली को अपनी मां की गांड के छेद में अंदर बाहर करते हुए संजू बोला)

ससहहहह आहहहहहहह बहुत मजा आ रहा है रे मैं कभी सोची नहीं थी कि ईस खेल में इतना मजा आएगा,,,,

मैं बोला था ना मम्मी इस खेल में बहुत मजा आएगा बस मुझ पर भरोसा रखो,,,,(और इतना कहते हुए संजू लगातार अपनी उंगली को अपनी मां की गांड के छेद में अंदर बाहर करता रहा और अपने मन में सोचता रहा कि अभी तो मजा आ रहा है अभी तो असली खेल बाकी है,,,,, संजू कुछ देर तक अपनी मां की गांड के छेद में अपनी एक उंगली ही गोल-गोल घूमाता हुआ अंदर बाहर करते रहा,,, वह अपनी उंगली के सहारे से अपने मोटे लंबे लंड के लिए जगह बना रहा था और जिसमें कुछ हद तक कामयाबी हो चुका था वह जानता था कि उसकी मौसी भी तड़प रही होगी इसलिए वह अपनी मां की गांड के छेद में से अपनी उंगली को बाहर निकाल कर उसे अपनी मौसी की गांड के छेद में डालना शुरू कर दिया और देखते ही देखे अपनी मौसी की गांड के छेद में भी वह अपनी उंगली को प्रवेश कर दिया था उसकी मौसी पूरी तरह से हैरान हो गई थी,,,, वह भी इस बात से अनजान थी कि ईस खेल में इतना मजा आता होगा,,,।

एक साथ दोनों को मजा देता हुआ संजू

GIF-231107-155045.gif


संजू धीरे-धीरे अपनी मौसी की गांड में भी उंगली को अंदर बाहर करना शुरू कर दिया,,, साधना को बहुत मचा रहा था और आराधना क्योंकि साधना के ऊपर थी वह अपनी गांड को कौन-कौन घूमा रही थी संजू को अपनी मां की गांड की शर्त अच्छी नहीं जा रही थी और वहां अपनी उंगली को अपनी मौसी की गांड के अंदर बाहर करते हुए अपने होठों को फिर से अपनी मां की गांड के छेद पर लगा दिया और उसे चाटना शुरू कर दिया वह एक साथ दोनों से मजा भी ले रहा था और दोनों को मजा भी दे रहा था,,,, एक साथ जवानी से भरी हुई दो-दो औरतों को इस तरह से मजा देना संतुष्ट करना सबकी बस की बात नहीं होती,,,, लेकिन संजू सबसे अलग था मर्दाना जोश और ताकत से भरा हुआ एक जवान मर्द था जो एक साथ हो तो औरतों को अच्छी तरह से संभालता जानता था और पहले भी वह ऐसे नामुमकिन कार्य को मुमकिन बनता चला रहा था इसलिए तो इस समय भी एक ही कमरे में दो-दो औरतों की जवानी से खेल रहा था,,,।

कमरे में पूरी तरह से गर्म सिसकारियां गुंज रही थी,,, दोनों बहने आनंद के सागर में गोते लगा रही थी और संजू उन दोनों को वासना के समंदर के बीचों बीच लिए चला जा रहा था,,,,,,,, कुछ देर तक संजू इसी तरह से मजा देने के बाद अपने होठों को अपनी मां की गांड के छेद से बाहर निकाल लिया और दूसरे हाथ की उंगली को अपनी मां की गांड में डालकर एक साथ दोनों औरतों की गांड मारना शुरू कर दिया दोनों की गांड में अपनी उंगली डालकर वह अंदर बाहर करते हुए बोला,,,।

कैसा लग रहा है मेरी रंडीयो,,,,, मजा आ रहा है ना,,,

ससहहहह बहुत मजा आ रहा है रे,,,(गरम आहे भरते हुए साधना बोली,,,)

मैं कभी सोचा भी नहीं थी कि इस खेल में इतना मजा आता होगा,,,,(आराधना भी अपनी बहन के सुर में सुर मिलाते हुए बोली,,,)

मैं कहता था ना इसमें भी बहुत मजा आएगा अब देखना मैं तुम दोनों छिनार की कैसी गांड मारता हूं,,,

संजू और आराधना

GIF-231107-154101.gif


अरे मादरचोद बोलने से काम नहीं चलता करके दिखाना पड़ता है मैं भी तो देखूं कितना दम है तेरे लंड में,,,(आराधना एकदम जोश में आते हुए उत्तेजित स्वर में बोली)

अरे मेरी बुरचोदी,,, आज तो तेरी में ऐसी गांड मारूंगा कि लंगड़ा कर चलेगी,,,,

मैं भी तैयार हूं देखना चाहती हूं तेरा दम,,,,

रंडी भोसड़ा चोदी मुझे चुनौती देती है देखना अभी कैसा चिल्लाएगी बिस्तर पर,,,,,।

(संजू पागलों की तरह अपनी दोनों हाथों की उंगलियों को अपनी मां और मौसी दोनों की गांड के छेद में अंदर बहार बड़ी तेजी से कर रहा था,,,, लेकिन अपनी मां की बातों को सुनकर वह समझ गया था कि लोहा पूरी तरह से गर्म हो चुका है बस हथौड़ा मारने की देरी है लेकिन कुछ देर तक वह अपने हथौड़े को तैयार करना चाहता था अपने हथौड़े के लिए जगह बनाना चाहता था ताकि चौचक लोहे पर जाकर वर करें और जैसा वह चाहता है वैसा ही आकार ले,,, इसलिए उसने तुरंत अपनी मौसी की गांड के छेद में से अपनी उंगली को बाहर निकाल कर अपनी मां की गांड में दूसरी उंगली भी प्रवेश करना शुरू कर दिया वह एक साथ अपनी मां की गांड में दूसरी उंगली डाल रहा था क्योंकि धीरे-धीरे एक उंगली बहुत अच्छे से अंदर बाहर हो रही थी और देखते ही देखते संजू अपनी दूसरी उंगली को भी अपनी मां की गांड में प्रवेश करने में सफल हो गया पहले तो दूसरी उंगली को अपनी गांड के छेद पर महसूस करते ही आराधना शक पकने लगी थी यह देखकर संजू उसका जोश बढ़ाते हुए बोला,,,।

क्या हुआ छिनार बस हो गया डर गई इतने से ही,,,, साली रंडी तेरी गांड में इतना दम ही नहीं है कि मेरे लंड को अंदर ले सके,,,,।

अरे मादरचोद भोसड़ी वाले पहले देख तो सही तो किस बात कर रहा है तू इसी चूत से बाहर निकाला है और तू कहता है कि मैं इसे अपनी गांड में नहीं ले पाऊंगी मैं भी देखते हो कि तेरे में कितना दम है मादरचोद दिखा अपना दम,,,,।(संजू का काम बन गया था संजू अपनी मां को जानबूझकर चढ़ा रहा था और उसकी मां पूरी तरह से जोश में आ चुकी थी,,, और जवानी के जोश में भरी हुई औरत कुछ भी करने को तैयार हो जाती है,,,,, संजू अपनी मां की गांड में लंड डालने के लिए पूरी तरह से तैयार था इसलिए वह अपनी मां की गांड में से अपनी दोनों उंगलियों को बाहर निकलते हुए अपनी मौसी से बोला,,,)

तू मादरचोद रंडी क्या गांड उठाए लेटी पड़ी है,,, चल जल्दी से मेरे लंड को भर कस ताकि मैं आज तेरी बहन की गांड मार सकु,,,,

(संजू की गंदी से गंदी गलियों को सुनकर दोनों बहने और ज्यादा उत्तेजित में जा रही थी आज पहली मर्तबा था कि संजू उन दोनों को खुलकर गाली दे रहा था ऐसा लग ही नहीं रहा था कि वह अपनी मां और मौसी की चुदाई कर रहा है पर कैसा लग रहा था कि बाजार से कोई रंडी खरीद कर अपने घर पर लाया है,,,, संजू की बात सुनते ही साधना धीरे से उठकर खड़ी हो गई और बिस्तर के किनारे जाकर बैठ गई और संजू की तरह मुस्कुराते हुए बोली,,,)

क्यों रे भोसड़ी वाले आज तेरा लंड कुछ ज्यादा ही उबाल मार रहा है,,,

भोसड़ा चोदी तुम दोनों बहनों को नंगी देखकर दोनों की बड़ी-बड़ी गांड देखकर भला कौन सा मर्द है होगा जिसका लंड जोश नहीं मारेगा,,, रंडी तुम दोनों की गांड देखकर ही लंड खड़ा हो जाता है,,,,,, अब बिल्कुल भी देर मत कर,,,(अपने लंड को हाथ में पकड़ कर उसे हिलाते हुए अपनी मौसी के मुंह के सामने लाते हुए) जल्दी से मुंह में लेकर कस ताकि तुम दोनों बहनों की अच्छी से गांड चुदाई कर सकूं,,,

(इतना सुनते ही साधना बिल्कुल भी देर ना करते हुए संजू के लंड को अपने मुंह में लेकर चूसना शुरू कर दी,,, संजू एकदम मस्त हुआ जा रहा था,,, वह अपनी आंखों को बंद करके अपनी मौसी के मुंह में ही कमर हिलाना शुरू कर दिया ना उसकी मौसी भी पूरी तरह से मस्त हुए जा रही थी,,,)

सहहहह आहहहहह ,(अपने दांत को उत्तेजना से पीसते हुए) बहुत गर्म रंडी है रे तू कितना मस्त चुस्ती है,,,आहहहह बहुत मजा आ रहा है आज देखना तेरी बहन की गांड फाड़ दूंगा,,,,,(यह सुनकर आराधना जो कि अभी तक घोड़ी बनी हुई थी अपनी स्थिति को जैसे ही बदलना चाहिए वैसे ही संजू हाथ बढ़ाकर अपनी मां की गांड पर रख दिया और बोला)

तू कहां जा रही है भोसड़ा चोद तू ऐसे ही घोड़ी बन कर रहे हैं अभी तेरी गांड मारता हूं,,,,।

(अपनी बेटी की बात सुनते ही वह फिर से इस अवस्था में स्थिर हो गई और संजू कुछ देर तक अपनी मौसी के मुंह में अंदर बाहर करता हुआ अपने लंड को बाहर निकाला और फिर धीरे से कोने में पड़ी अलमारी की तरफ गया वह जानता था उसमें सरसों के तेल की बोतल पड़ी हुई थी वह तुरंत सरसों के तेल की शीशी बाहर निकाला और अपनी मां के पास पहुंच गया और सरसों के तेल की सीसी में से वह सरसों के तेल को उसकी धार को अपनी मां की गांड के छोटे से छेद पर गिरना शुरू कर दिया और उसे उंगली से इधर-उधर लगना शुरू कर दिया ताकि उसका लंड आराम से उसकी मां की गांड में घुस सके और थोड़ी ही देर में वह अपने कार्य का संपन्न करके थोड़ा सा तेल अपने लंड पर लगाकर अपने सुपाड़े को अपनी मां के छोटे से छेद पर रखकर उसे अंदर की तरफ डालना शुरू किया,,,, पहले प्रयास में ही संजू समझ गया कि यह कार्य बेहद खाती है सोच समझ कर आगे बढ़ना होगा,,, वह कोई ऐसी हरकत नहीं करना चाहता था जिसे उसकी मां को बहुत दर्द हो और फिर उसकी मां कभी उसे गांड मारने ना दे,,, इसलिए वह अपने लंड के सुपाड़ा को अपनी मां की गांड के छेद से हटाया और उस पर फिर से तेल चुपडना शुरू कर दिया,,, और वापस अपने मोटे सुपाड़े को अपनी मां की गांड के छोटे से छेद पर दिया,,, अपनी बेटे के लंड की सुपारी को पहली बार अपनी गांड के छेद पर महसूस करते ही वह एकदम से गनगना गई थी,,, लेकिन पहले प्रयास में ही समझ गई थी ईस खेल में बहुत मजा आने वाला है,,,।

आधी रात से ज्यादा का समय गुजर चुका था संजू अपनी मां और अपनी मौसी दोनों को गांड मरवाने के लिए तैयार कर चुका था लेकिन यह कार्य बेहद कठिन था क्योंकि इस कार्य को उन दोनों ने कभी पहले की भी नहीं थी और नहीं कभी प्रयास की थी और नहीं कभी इस बारे में सोची थी यह पहली मर्तबा था जब संजू अपनी मां और मौसी दोनों की गांड मारने जा रहा था और सर्वप्रथम वह सबसे पहले गांड मारने का चुनाव अपनी मां से ही किया था,,,, खिड़की से ठंडी हवा कमरे को ठंडा करने की भरपूर कोशिश कर रही थी लेकिन दोनों औरतों की कम जवानी से कमरा पूरी तरह से गर्मा जा रहा था,,,, इस समय गांव के सभी लोग अपने-अपने घरों में बिस्तर पर चैन की नींद सो रहे थे लेकिन तीनों की आंखों में नींद कोसों दूर थी और वैसे भी आज की रात तीनों के लिए बहुत ही खास थी आज की रात गांव में तीनों की आखिरी रात थी और आज की ही रात लल्ली की सुहागरात भी थी ,,,, इसलिए तीनों कुछ ज्यादा ही जोश में थे,,,।

संजू एक बार फिर से प्रयास करना शुरू कर दिया संजू जानता था यह कार्य उतना सरल नहीं है जितना कि वह समझता था लेकिन असंभव भी नहीं है इसलिए वह इस कार्य में एकदम डंटा हुआ था वह पूरी तरह से पसीने से तरबतर हो चुका था,,,, इस बार का प्रयास उसे सफल होता हुआ महसूस हो रहा था वह अपने लंड को हाथ में पकड़ कर अपने मोटे सुपाड़े को तेल की चिकनाहट के साथ अपनी मां की गांड में प्रवेश करना शुरू कर दिया था और इस बार उसका मोटा सुपड़ा तेल की चिकनाहट पकड़ गांड के छोटे से छेद में प्रवेश करना शुरू कर दिया था हालांकि संजू ने पहले से ही दो उंगली से अपनी मां की गांड में अपने लंड को घुसने के लिए जगह बना लिया था,,,, इसीलिए देखते ही देखते उसके लंड का आधा सुपाड़ा गांड के छेद में प्रवेश कर गया,,, पास में ही बैठी हुई साधना फटी आंखों से सब कुछ देख रही थी वह अपने मन में सोच रही थी कि अच्छा हुआ कि संजू ने गांड मारने का चयन सबसे पहले अपनी मां से शुरूआत किया था क्योंकि वह सब कुछ अपनी आंखों से देखना चाहती थी हर एक क्रिया से अवगत हो जाना चाहती थी ताकि वह गांड मराने के लिए पूरी तरह से तैयार हो जाए,,,,, आज की रात दोनों की चूत सुनी रहने वाली थी लेकिन गांड का छेद खाली रहने वाला नहीं था,,,।

संजू ,,,, आहहहहह,,, संभाल के राजा,,,,

बस हो गया मेरी रानी इतना ही दम है तेरी गांड मे,,, अभी तो बहुत बोल रही थी की देखती हूं कि तेरे लंड में कितना दम है मेरे लंड में तो बहुत दम है लेकिन मुझे लगता है कि तेरी गांड में दम नहीं है तभी तु चिल्ला रही है,,,,

बस हो गया आराधना तू चिंता मत कर बड़े आराम से तेरा बेटा करेगा,,,,,।

(संजू की बात सुनकर एक बार फिर से उसकी मां पूरी तरह से जोश में आ गई थी इसलिए फिर से बोली)

मैं तुझे रुकने के लिए नहीं बोली,,, आज मैं भी तेरा दम देखना चाहती हूं अगर ऐसा ना होता मेरा मन ना होता तो मेरी गांड तेरे लंड के सामने ना होती,,, मैं भी देखना चाहती हूं कि तेरे लंड में कितना दम है,,,,।

(जवानी के जोश में आकर आराधना खाने को तो कह गई थी लेकिन उसका मन ही जानता था कि उसे पर क्या बीतने वाली है,,, लंड का आधा सुपाड़ा गांड के छेद में फस गया था,,, इतने से ही उसे दर्द हो रहा था वह जानती थी कि जब उसका मोटा लंड पूरी तरह से उसकी गांड के छेद में घुसेगा तब उसे कितना दर्द होगा,,, लेकिन इसका एहसास भी उसे अपने बदन में महसूस हो रहा था कि आधा सुपाड़ा घुसने पर उसे दर्द तो हो रही थी लेकिन पीड़ा के साथ-साथ उसे अजीब सा आनंद भी प्राप्त हो रहा था,,,,, संजू पूरी तरह से तैयार था अपनी मां को अपनी बातों में पूरी तरह से बरगला दिया था,,, एक बार फिर वह अपने लंड को हाथ में पकड़ कर उसकी कमर पर हाथ रखे हुए अपने लंड को आगे की तरफ ठेलना शुरू कर दिया,,,, लेकिन आराधना की गांड के छोटे से छेद में संजू का मोटा सुपाड़ा फंसा हुआ था,,, और संजू अपने आधे सुपाड़े को बाहर निकालना भी नहीं चाहता था,,,, साधना धड़कते दिल के साथ सब कुछ अपनी आंखों से देख रही थी,,,, संजू ढेर सारा थूक अपनी मां की गांड की छत पर गिराना शुरू कर दिया और थोड़ा अपने लंड के सुपाडे पर,,,, और फिर उसे अपनी उंगली के सहारे से एक बार फिर से चुपडना शुरू कर दिया,,,,

संजू का लंड और आराधना की गांड दोनों थूक की चिकनाहट प्रकार एक बार फिर से गिला हो चुके थे और इस बार संजू फिर से धक्का मारने का प्रयास किया और उसका प्रयास सफल होता हुआ महसूस हुआ धीरे-धीरे सकता हुआ संजू का मोटा तगड़ा सुपाड़ा गांड के छोटे से छेद में उसे गोलाकार चलने से प्रवेश करता हुआ अंदर की तरफ उतर गया,,,,, लेकिन जो कि बड़े डेरो से अपने दर्द पर काबु किए हुए थी आराधना से लेकिन अब रहा नहीं गया,,,, और उसके मुंह से निकला,,,

हाय दइया मर गई रे,,,,,,

(इतना सुनते ही संजू तुरंत उसकी कमर को दोनों हाथों से पकड़ कर उसे अपनी हथेली में दबोच लिया और लगभग इशारा करते हुए बोला)

आवाज बिल्कुल भी मत करना अगर कोई जाग गया तो गजब हो जाएगा,,,, उन लोगों को समझते देर नहीं लगेगी कि इस बंद कमरे में मां बेटे की बीच क्या चल रहा है,,,,।

(संजू की बात सुनते ही आराधना एकदम से अपनी आवाज को गले में ही दबा कर सिसकने लगी लेकिन वह अपनी गांड को आगे की तरफ लेना शुरू कर दी ताकि संजू का लंड बाहर निकल जाए लेकिन संजू अपनी मां की कमर को दोनों हाथों से पकड़ कर उसे अपनी तरफ खींच कर रखा हुआ था और उसे समझाते हुए बोला,,,)

बस थोड़ी देर फिर इसके बाद मजा ही मजा है जैसे चूत में जाने पर पहली बार कितना दर्द होता है लेकिन फिर बाद में इतना मजा आता है कि तुम खुद लंड पर उछालना शुरू कर देती हो ऐसा ही इसमें भी होगा,,,

लेकिन मुझसे बर्दाश्त नहीं हो रहा है,,,,आहहहह बहुत दर्द कर रहा है ऐसा लग रहा है कि जैसे किसी ने गर्म सरिया अंदर डाल दिया हो,,,,(आराधना के चेहरे पर दर्द और पीड़ा की लकीर साफ नजर आ रही थी उसे देखकर साधना कुछ पल के लिए घबरा गई थी और वह उससे बोली)

क्या सच में बहुत दर्द कर रहा है आराधना,,,

डलवा कर देखो अपनी गांड में पता चल जाएगा,,,,

कुछ नहीं मौसी मम्मी कुछ ज्यादा ही दिखावा कर रही है इतना दर्द नहीं होता अभी देखना थोड़ी देर में कितना मजा आता है,,,,,,।

(और इतना कहने के साथ ही संजू हल्के हल्के अपनी कमर को उतना ही आगे पीछे करने लगा जितना की सुपाडा घुसा हुआ था,,,, अभी तो शुरुआत थी अभी तो हाथी का मुंह गया था पूरा शरीर बाकी था लेकिन कहते ही ना कि जब एक बार मुंह घुस जाए तो बाकी का अंग घुसने में समय नहीं लगता ऐसा इधर भी होने वाला था लेकिन अभी आराधना की पीड़ा कम नहीं हुई थी क्योंकि लंड पूरी तरह से घुसा नहीं था,,,, संजू का प्रयास धीरे-धीरे रंग लाने लगा धीरे-धीरे करके संजू का लंड ईंच दर ईंच अंदर की तरफ घुसना शुरू किया,,,, जिसका एहसास आराधना को अच्छी तरह से हो रहा था,,,, संजू को इस बात का एहसास पहले नहीं था कि उसकी मां की गांड का छेद इतना कसा हुआ होगा लेकिन इतनी कसी हुई गांड में उसे मजा भी बहुत आ रहा था देखते ही देखते संजू अपने पूरे लंड को अपनी मां की गांड के अंदर घुसा दिया था,,,, यह देख कर साधना भी आश्चर्य चकित रह गई थी क्योंकि अपनी आंखों से देखने से पहले उसे भी इस बात से शंका थी कि क्या पूरा लंड गांड के छेद में घुस पाएगा कि नहीं,,,, लेकिन वह पूरी तरह से निश्चित हो चुकी थी वह समझ चुकी थी कि प्रयास किया जाए तो क्या कुछ नहीं हो सकता,,,, सब कुछ संभव है जिसे संजू अपने प्रयास से एकदम सफल बना रहा था संजू का लंड जैसे उसकी मां की गांड की गहराई में पूरी तरह से प्रवेश कर गई वैसे ही संजू के चेहरे पर प्रसन्नता के भाव नजर आने लगे और वह एकदम से खुश होता हुआ अपनी मां से बोला,,,)

आहहहहह मेरी रानी देखी मैंने कर दिखाया पूरा का पुरा लंड तुम्हारी गांड में घुसा हुआ है तुम्हें यकीन भी नहीं हो रहा होगा,,,,

(इसमें सच्चाई भी थी साधना तो अपनी आंखों से सब कुछ देख रही थी लेकिन आराधना को दिखाई नहीं दे रहा था पीछे क्या हो रहा है उसे सच में यकीन नहीं हो रहा था कि इतना मोटा तगड़ा लंबा लंड उसकी गांड में पूरी तरह से प्रवेश कर गया है इसलिए वह आश्चर्यचकित होकर बोली)

क्या सच में पूरा घुस गया है,,,?

हां मेरी रंडी तेरी गांड एकदम मक्खन मलाई है बड़े आराम से बढ़िया आराम से मेरा लंड घुस गया है,,,,

क्यों दीदी यह सच कह रहा है,,,

यह मादरचोद बिल्कुल सच कह रहा है मुझे तो अपनी आंखों पर भरोसा नहीं हो रहा है तुझे कैसा लग रहा है आराधना,,,

अब कुछ-कुछ अच्छा लग रहा है दीदी,,,,

मैं कह रहा था ना मेरी जान इतना मजा आएगा कि पूछो मत अब देखना मेरा कमाल अब मैं कैसी तेरी गांड मारता हूं,,,,।

(और इतना कहने के साथ ही संजू अपनी कमर हिलाना शुरू कर दिया संजू पूरी तरह से अपनी मां की गांड के छेद पर विजय प्राप्त कर चुका था उसे खुद पर यकीन नहीं हो रहा था लेकिन सब कुछ उसकी आंखों के सामने था उसे ऐसा ही लग रहा था कि जिस तरह से उसकी मां की गांड का छोटा सा छेद कसा हुआ था उसका लंड उसमें प्रवेश कर पाना मुश्किल ही नहीं नामुमकिन है लेकिन वह अपने प्रयास से इस नामुमकिन कार्य को सफल बना दिया था,,,, देखते ही देखते संजू अपनी कमर हिलाता हुआ अपनी मां की गांड मारना शुरू कर दिया था,,,, यह सोचकर ही संजू को बेहद उन्माद सा नशा चढ़ रहा था कि वह आज अपनी मां की गांड मार रहा था पहले तो वह इस तरह की गली एक दूसरे को देते हुए सुना करता था कि मैं तेरी मां की गांड मार दूंगा या तेरी बहन की गांड मार लूंगा लेकिन आज उसे वाक्य को संजू खुद सार्थक किया था उसे बहुत मजा आ रहा था अपनी मां की कई हुई गांड में उसका मोटा लंड पड़े आराम से अंदर बाहर होना शुरू हो गया था,,,, जिस तरह की रगड़ आराधना को अपनी गांड के अंदर महसूस हो रही थी इस तरह की रगड़ तो उसे अपनी चूत में भी महसूस नहीं होती थी और उसे भी आनंद की प्राप्ति हो रही थी वह भी मजा ले रही थी देखते-देखते उसके मुंह से गरमा गरम शिसकारी की आवाज निकलना शुरू हो गई थी,,, अपनी मां की गरम शिसकारी की आवाज सुनकर संजू बोला,,,)

बोला था ना भोसड़ा चोदी तुझे बहुत मजा आएगा,,,

हा रे मादरचोद तु सही कह रहा था बहुत मजा आ रहा है,,,आबहहह आहहहहब मैं तो इस बारे में कभी सोचती नहीं थी की गांड के छेद में भी लंड डाला जाता है और इतना मजा आता है सच में भगवान ने औरत का हर एक अंग मजा लेने के लिए ही बनाया है,,,,,

तू तो ऊपर से नीचे तक कयामत है मेरी रानी,,,(संजू जोर-जोर से अपनी कमर हिलता हुआ बोला उसका लंड बड़ी तेजी से अपनी मां की गांड के छेद में अंदर बाहर हो रहा था ऐसा लग ही नहीं रहा था कि वह पहली बार गांड मरवा रही है ऐसा लग रहा था कि वह यह कार्य को बहुत बार संपन्न कर चुकी है,,,लेकिन संजू इतनी जोर-जोर से धक्के मार रहा था कि वह बार-बार आगे की तरफ गिरने को हो जा रही थी लेकिन संजू उसके कंधे को पकड़ कर संभाले हुआ था,,,, पीछे से तो वह कई बार अपनी मां की चुदाई कर चुका था लेकिन पहली बार वह अपनी मां की गांड मार रहा था साधना पूरी तरह से उत्तेजित हो चुकी थी अपनी आंखों से वह अपनी छोटी बहन को गांड मरवाते हुए देख रही थी और अपनी बहन को आनंद लेता देखकर वह समझ गई थी कि इस कार्य में कितना मजा आता है इसलिए वह भी उत्सुक थी अपने भतीजे के लंड को अपनी गांड में लेने के लिए,,,, साधना पूरी तरह से मदहोश होकर अपनी बहन की गांड को दोनों हाथों से पकड़ कर उस पर चुंबन की बौछार कर दे रही थी,,, संजू जानता था कि उसकी मौसी को भी मजा चाहिए,,,, और काफी देर से उसकी मां घोड़ी बनी बैठी थी इसलिए वह समझ सकता था कि उसकी मां के पर भी दर्द कर रहे होंगे इसलिए वह धीरे से अपने लंड को अपनी मां की गांड में से बाहर निकाला और उसकी मां कुछ कह पाती ईससे पहले ही वह बोला,,,।

अब तो देख मेरी रानी की तेरी बड़ी बहन की गांड में कैसे लंड डालता हूं,,,,(इतना सुनते ही साधना अंदर से एकदम उत्साहित हो गई और तुरंत अपनी बहन की जगह घोड़ी बनाकर अपनी गांड हवा में लहराने लगी संजय तुरंत सरसों की तेल की शीशी को खोलकर तेल की धार अपनी मौसी की गांड पर गिरना शुरू कर दिया जिसे खुद आराधना अपने हाथों से उसकी गांड के छेद पर लगा रही थी,,, आज एक बहन अपनी बहन की गांड मरवाने में संजू की मदद कर रही थी देखते ही देखते संजू अपने लंड कैसे बड़े को अपनी मौसी की गांड में डालना शुरू किया ठीक वैसा ही दर्द उसे भी महसूस होने लगा जैसा की आराधना को महसूस हो रहा था लेकिन साधना यह सोचकर अपने दर्द को अपने अंदर दबा ले रही थी कि जब उसकी छोटी बहन अपनी गांड में अपने बेटे के मोटे तगड़े लंड को आराम से ले ली तो फिर वह क्यों नहीं ले पाएंगी,,, हालांकि उसे दर्द बहुत हो रहा था लेकिन देखते ही देखते संजू पूरी तरह से प्रयास करते हुए अपने लंड के सुपर को अपनी मौसी की गांड के अंदर पूरी तरह से घुसेड दिया,,,, आराधना की तरह ही साधना भी दर्द से बिलबिला उठी लेकिन वह इस बात को जानती थी कि अगर वह जोर से चिल्ला दी तो गजब हो जाएगा,,,।

संजू उसे भी समझाते हुए अपने कार्य को धीरे-धीरे आगे बढ़ा रहा था और आराधना जानती थी कि उसे क्या करना है वह तुरंत अपनी बहन के दर्द को कम करने के लिए ठीक उसकी आंखों के सामने घुटनों पर बाल जाकर खड़ी हो गई और तुरंत उसके चेहरे को पड़कर उसे अपनी चूत पर रख दी और साधना तुरंत अपनी बहन की चूत चाटने लगी इस तरह से अपने दर्द को कम करने की कोशिश करने लगे और संजू अपने कार्य को आगे बढ़ता हुआ अपने लंड को धक्का देता हुआ देखते ही देखते हुए अपनी मां की तरह ही अपनी मौसी की गांड में भी अपने लंड को डाल चुका था,,,।

दोनों बहने एक जैसी ही हो दोनों बड़े आराम से मेरे लंड को ले ली हो,,,, अब आएगा असली मजा,,, और ऐसा कहते हुए संजू अपनी कमर हिलाने लगा,,,, संजू अपनी मां की तरह ही अपनी मौसी की भी गांड मारने लगा,,, संजू को तो बहुत मजा आ रहा था लेकिन साधना को अभी दर्द कर रहा था इसलिए उसके चेहरे पर दर्द के भाव साफ झलक रहे थे लेकिन वह तो लगातार अपनी छोटी बहन की चूत चाट रही थी इसलिए अपने दर्द पर काबू किए हुए थे लेकिन वह अपनी बहन के आनंद को उसके मजे को देख चुकी थी कि कैसे उसकी बहन मजा ले रही थी इसलिए वह भी अपने दर्द को पी रही थी उसे भी मालूम था कि उसे भी आनंद आने वाला है इसलिए देखते ही देखते थोड़ी देर में उसे भी एहसास होने लगा कि उसे बहुत मजा आ रहा है गांड मरवाने में और संजू के धक्के भी बड़ी तेज होने लगे थे,,,,,।

संजू के मर्दाना ताकत का सबुत यही था कि वह जल्दी झड़ता नहीं था,,, इसलिए भाई सारे से अपनी मां को भी बिस्तर के किनारे आने के लिए बोला,,, आराधना को मालूम था कि उसे क्या करना है और वह जल्द ही अपनी गांड हवा में लहराते हुए घोड़ी बन गई संजू अब एक साथ दो काम करने वाला था एक साथ अपनी मां और मौसी दोनों की गांड मारने वाला था और ऐसा करने में उसे अद्भुत आनंद प्राप्त होने वाला था इस बात को अच्छी तरह से जानता था क्योंकि उसे नहीं लगता था कि दुनिया में ऐसा कोई शख्स होगा जो एक साथ अपनी मां और मौसी दोनों की चुदाई करता होगा,,,,।

देखते ही देखते संजू अपनी मां और मौसी दोनों को भद्दी गालियां देते हुए कभी अपनी मौसी की गांड मारता तो कभी अपनी मां की,,, दोनों की गांड का कसा हुआ छल्ला संजू के लंड को अपने अंदर दबोच ले रहे थे और क्या एहसास संजू को सातवें आसमान पर ले जा रहा था,,, लंड का कसाव आराधना और साधना दोनों को अपनी चूत पर भी हो रहा था,,, जिससे दोनों आनंदित हो उठती थी यह सिलसिला लगभग 2 घंटे तक चला दो घंटे तक संजू ने भारी-बड़ी से अपनी मां और अपनी मौसी दोनों की गांड मारने का सुख प्राप्त किया और देखते ही देखते तीनों एक साथ झड़ गए,,,,,, झड़ने के बावजूद भी थोड़ी देर में संजू का लंड तैयार हो चुका था लेकिन दोनों बहने एकदम से थक कर चूर हो चुकी थी,,, वह दोनों में बिल्कुल भी हिम्मत नहीं थी संजु से गांड मरवाने की इसलिए दोनों संजू की मर्दाना ताकत के आगे घुटने देखते हुए अपनी हार मान ली थी और दोनों बिस्तर पर,,, देर हो चुकी थी लेकिन संजू का जोश पूरी तरह से बरकरार था,,, वह एक बार फिर से दोनों की गांड मारना चाहता हूं लेकिन दोनों नींद की आंखों में सो चुके थे लेकिन फिर भी संजू जैसे तैसे करके दोनों की गांड को ऊपर करके दोनों को नींद में ही बारी-बारी से दोनों की गांड मारने का सुख प्राप्त किया,,,।
 
Back
Top