- Joined
- Dec 5, 2013
- Messages
- 36,793
अपडेट 140
वयोम .......इसे ऐसी सजा दे कर मुझे ख़ुशी होगी
वयोम के चुटकी बजाते हे कलां एक 18 साल की खूबसूरत लड़की में बदल गया
जिसे देख मानसी कभी उस लड़की को देखती कभी वयोम को
सूर्य ......उसे उसके स्थान इ पंहुचा दो आवर सकती तुम्हे गुरुदेव को परतविलोक लाना होगा
सकती .....ठीक है सूर्य मैं अभी जा रहा वही मिलता हूँ तुमसे
सकती वह से परीलोक के लिया गायब हो गया
वयोम कलां को काली बना कर चंपा रानी के कोठे पे पंहुचा सूर्य मानसी को ले श्रीनगर पहुंच गया
जहा उसने वयोम को समजा कर मानसी को उसके साथ भेज दिया
आवर खुद 5 बजे जा कर बीएड पे लेता लेटने के साथ हे सूर्य की आँख लग गई ........
अब आगे .......
दिल्ली .........
सुबह जब माया उठी तो उसे बाथरूम से किसी का गण गुनगुनाने की आवाज सुनाई पड़ी जब उसने सानिया के बिस्तर को देखा तो वह खली था
माया .......इसे क्या हुआ है जो इतनी सुबह उठ कर त्यार भी होने लगी है आवर तो आवर रोमांटिक गाने भी गुनगुना रही है
लगता है आज कुछ स्पेशल है
माया वह से अंगड़ाई लेते हे खिड़की की तरफ चली जाती है
कुछ देर बाद बाथरूम का दूर खुलने की आवाज आती है
सानिया एक टॉवल अपने सीने से ले कर जंगो तक खुद को कवर किया सीधा बड़े से मिरर के सामने पहुंच अपना टॉवल गिरा देती है

सानिया खुद के सरीर को पूरा नुदे सामने लगे मिरर में देख कर अपने उभर आवर मुनिया जिसकी अभी अभी बाथरूम से सफाई कर बालो की हलकी रेखा सी अपनी मुनिया पैर छोड़ी थी उसको भी सहला देती है
फिर पता नहीं सानिया को क्या सकता है की वह अपने मोबाइल से मिरर के सामने कुछ पिछ क्लिक करती है

सानिया एक नहीं काफी पिछ क्लिक करती है अलग अलग पोज़ में


(माया ......आज इसे क्या हुआ है इसका ऐसा रूप तो पहले कभी नहीं देखा था मैंने आज से पहले तो तो हमेशा खुद को छुपा कर रखती थी देखती हूँ आवर क्या करती है )
सानिया अपनी पूरी बॉडी पे क्रीम लगाने के बाद
एक बार फिर से अपने बदन पे टॉवल लगा कर अपनी अलमारी की तरफ बढ़ी तभी पीछे से माया जोर से बोल कर सानिया को डरा देती है
जिस का नतीजा ये होता है की

सानिया दर जाती है आवर उसके हाथो से टॉवल चुत कर सानिया के पैरो में आ गिरता है
सानिया जल्दी से अपनी छूट को आवर चूचियों को अपने डॉन हाथो से छुपाती है
माया ....... न न ये जुलम न कर मेरी जान कुदरती खजाने को तुमने अब तक छुपा रखा था अब तो दीदार करने दे
सानिया .....शट उप माया
माया फ़ौरन दौड़ कर सानिया का फ़ोन उठा लेती है
माया .......चुप चाप अपनी पुसी आवर बूब्स से हाथ हटाओ सानिया नहीं तो इसमें जो अभी जितने पोज़ में पिछ ली है वो किसी को भी सेंड कर दूंगी
सानिया .......मेरा फ़ोन लॉक है
माया ......ऐसी बात है तो रुक
सानिया को लगा माया मजाक कर रही है
इस लिया सानिया ने उसे इग्नोर कर अपना टॉवल लपेट अलमारी से कपडे निकलने लगी
माया ने सानिया का पासवर्ड पहले भी देखा तो वही लगाया आवर किस्मत से खुल भी गया माया अभी की सभी पिछ को तेग कर अपने no.pe सेंड करती है
तभी सानिया ब्रा पंतय में हे माया से अपना फ़ोन छीनने की कोशिश करती गलती से माया की ऊँगली से किसी आवर के no. पे भी पिछ सेंड हो जाती है
सानिया .......प्लेसेस माया फ़ोन निचे रख दो तुम्हारे पास है वही मेरे पास है यार
माया .....चल ठीक है उदाश न हो तुम
तभी माया के फ़ोन के मैसेज बीप एक के बाद एक 6,7 बीप होती है
माया ......लगता है तुम्हारी पिछ आ गई मेरे फ़ोन में
माया सानिया का फ़ोन दे कर अपना फ़ोन चेक करती है
उदार सानिया को जैसे हे फ़ोन मिला वह अपना फ़ोन चेक करती है
अगले हे पल सानिया पुरे गुस्से में माया पे चिलाती है
सानिया ........माया की बच्ची ये क्या किया तुमने बेवकूफ लड़की
माया ......क्या हुआ सानिया इतना चीला क्यों रही है यार तुम्हारे साथ बस मजाक कर रही थी ले तुम्हारे सामने हे डिलीट कर देती हूँ
सानिया अपना मुँह लटका कर वही बिस्तर पे बेथ जाती है
माया अपने फ़ोन से सभी पिछ सानिया के सामने डिलीट करती है फिर भी सानिया का मुँह उतरा देख माया सानिया के पास बेथ जाती है
माया .......सॉरी यार मुझे नहीं पता था तू इतनी नजर हो जाएगी देख अब तो मैंने तेरी पिछ डिलीट कर दी है
सानिया ......तुम्हे पता नहीं माया तुम्हारे मजाक ने क्या किया है
माया .....कैसे बहकी बहकी बात कर रही हो
सानिया ......मेरी पिछ तुम्हारे पास होती तो कोई बात नहीं थी पैर तुमने अपने साथ साथ किसी आवर को भी सेंड कर दिया क्या उसके फ़ोन से डिलीट कर सकती हो
माया ......ये क्या कह रही है यार
सानिया अपना फ़ोन माया को देती है
जब माया चेक करती है तो उसका भी मुँह खुला का खुला रह जाता है
माया .......ये तो बहुत बड़ी गड़बड़ हो गई ये पिछ तो उसके पास पहुंच गई है
सानिया ......पता नहीं सूर्य मेरा बारे में क्या सोच रहा होगा की कैसी लड़की है जो सामने से अपनी इतनी साडी नुदे पिछ भेज रही है कल हे तो उसने मेरे भाई को बचने की खुशखबरी दी आवर आज सुबह हे ये सब
ये सब कहते हुए सानिया की आँखे नाम हो गई
लड़की कितनी भी खुले विचारो वाली हो पैर जब ऐसा कुछ उसकी मर्जी के बिना होता है तो दिल में कही न कही एक दर्द एक जखम बन हे जाता है
माया ......ी ऍम रियली सॉरी माया मुझे नहीं पता था ऐसा कुछ हो जायेगा
तू चिंता न कर अभी तुम्हारी पिछ डिलीट करवाती हूँ अभी उसने तुम्हारी पिछ देखि नहीं है
सानिया ...... क्या सच में ये संभव है
माया अपने फ़ोन से किसी को कॉल करती है
माया .....hello दीप्ती दी मैं माया बोल रही हूँ
दीप्ती .....है माया बोलो क्या बात है इतनी सुबह सुबह कैसे याद किया सब ठीक है न
माया ......दीदी एक गलती हो गई आवर उसे सुधरने के लिया मुझे आपकी हेल्प चाइये
दीप्ती .....है माया बोलो क्या बात है
माया .....दीदी मैं अपनी फ्रेंड्स के साथ मजाक कर रही थे उसकी पिछ को ले कर मैं अपने फ़ोन पे सेंड कर रही थी पैर
दीप्ती .....पैर क्या माया
माया .....दीदी वो पिछ मेरे साथ साथ किसी आवर को भी सेंड हो गई प्लेसेस उसके देखने से पहले किसी भी तरह डिलीट कर दीजिये
दीप्ती ......क्या वो पिछ पर्सनल थी माया
माया .....जी दीदी प्लेसेस हेल्प में
दीप्ती ......ठीक है मैं अभी ऑफिस के रस्ते में हु मुझे वो दोनों no. सेंड कर जिस से पिछ भेजी है वो आवर आवर जिस no. पे पिछ पहुंची है वो दोनों no. दे जल्दी मुझे
माया .....थैंक्स दीदी मैं आपके no.pe दोनों no. मैसेज कर दिए है
दीप्ती .......तुम्हे बाद में देखती हूँ अभी ये काम ख़तम कर लूँ फिर बिताती हूँ
माया ......ी ऍम सॉरी दीदी
माया कॉल क्यूट कर देती है
सानिया ......माया ये दीप्ती कोण है आवर ये कैसे डेल्फ्ट करेगी
माया ......दीप्ती मेरी पहचान के एक बड़ी पुलिस अफसर है
वो जल्दी हे तुम्हारी पिछ सूर्य का फ़ोन से डिलीट कर देगी
सानिया ......पैर कैसे
माया .........सिंपल है यार फ़ोन को हक करके के
सानिया .....ी हॉप सूर्य को इसके बारे में पता न चले नहीं तो वो बहुत गुस्सा होगा उसके फ़ोन को इस तरह से हक करने से
अभी 15 मिनट्स भी नहीं हुए थे की दीप्ती का कॉल आता है माया को
माया ......hello दीप्ती दीदी आपतो बहुत फ़ास्ट निकली इतनी जल्दी काम हो भी गया
दीप्ती ......है हो गया काम तुम्हारे साथ साथ पुरे पुलिस डिपार्टमेंट का भी बेवकूफ लड़की किसका no. है ये #######911 पता भी है पूरा पुलिस सिस्टम हक कर लिया है उसने
माया ......क्याआ
दीप्ती ......मेरी नौकरी तो गई संजो
माया ......ये आप क्या कह रही हो ऐसा कैसे हो सकता है
दीप्ती .....उसका फ़ोन लाखो फ़ायरवॉल से प्रोटेक्ट एडवांस सॉफ्टवेयर उसे फ़ोन है अब पूरा पुलिस डिपार्टमेंट का डाटा उसके पास है
माया ......सॉरी दीदी मुझे नहीं पता था ऐसा हो जायेगा
दीप्ती ......किसी भी तरह उस से बात कर उसे मना की वो डाटा वापिस ट्रांसफर करे
माया ......मैं अपने दोस्त को बोलती हूँ वो सूर्य से बात कर किसी तरह मना लेगी उसे
दीप्ती ......ये सूर्य है कोण करता क्या है
माया ......दीदी ये आर्मी में है
दीप्ती ......नहीं आर्मी इतने एडवांस सॉफ्टवेयर उसे नहीं करती तुम क्या करोगी मुझे पता नहीं पैर जल्द से जल्द उसे किसी तरह मनाओ नौकरी तो गई कही केस हे न चालू हो जाये मुझपे तुम्हारे हेल्प करने के चाकर में घर की रही न घाट की
दीप्ती गुस्से में कॉल कट कर दिते है माया सानिया को पूरी बात बता कर सूर्य को
कवेयन्स करने बोलती है
सानिया .....ठीक है मैं बात करती हूँ मुझे हे उसका गुस्सा झेलना होगा
श्रीनगर आर्मी हेअद्क़ुअतेर ..........
सूर्य सुबह 3 हर की नींद पूरी कर उठा फ्रेश हुआ आवर कुछ वक़्त ध्यान लगाने के बाद जब अपना फ़ोन चेक करता है तो एक बार तो उसके चेहरे पे गुस्सा आ आया पैर अगले हे पल सूर्य का रूम ठहाको से गूंज उठा
सूर्य .........ये किस पुलिस वाले को चल मची है इतनी जो मेरा फ़ोन हक करने चला था आ रहा हूँ बीटा तेरी वही दिल्ली में मरूंगा
तभी सूर्य के नजर सानिया के मैसेज पे पड़ती है
सूर्य .....सुबह सुबह सानिया ने इतने कॉल क्यों किया है आवर इतनी पिछ किसकी भेजी है
जैसे हे सूर्य पिछ के टिक करता है उसका मुँह खुला का खुला रह जाता है क्युकी सूर्य की आँखों के सामने सानिया का नंगे बदन की अलग अलग पोज़ में 6,7 पिछ थे जो खुद सानिया ने मिरर रिफ्लेक्शन में खींची थी
सूर्य .....क्या बात है लगता है इसकी जल्दी हे खोल्नु पड़ेगी कुछ ज्यादा हे गर्मी चढ़ी है
तभी एक बार फिर सूर्य के फ़ोन पे सानिया का कॉल आता है
सूर्य ......hello सानिया कैसे हो तुम क्या हुआ सुबह सुबह इतने कॉल वो क्या मैं अभी उठा था तो तो तुम्हारा हे कॉल आ रहा था मैं जल्दी हे दिल्ली आ रहा हूँ किसी ने मेरे फ़ोन को वह से हक किया वही मिलता हूँ तुमसे bye सानिया अभी जल्दी में हूँ फ्लाइट पकड़नी है
सूर्य कॉल कट कर देता है बिना सानिया को कुछ भी बोलने का मौका दिया
( सूर्य ने पिछ वाली बात कुछ सोच कर गोल कर दी )
सुर्यवहा से बहार निकल कर मेर्री जी को अपने साथ ले सूर्य सूर्यकांत सर से मिलने निकल जाता है वह सूर्य अपनी सभी फॉर्मेलिटी पूरी कर
कुछ 1 हर के बाद सूर्य सूर्यकांत सर मेर्री जी आवर सोहेल 10 ऍम की फ्लाइट से दिल्ली के लिया रवाना हो गए
11:45 पे सभी दिल्ली एयरपोर्ट पे लेंड करते है जहा बहार निकलते हे कुछ आर्मी कार्स सूर्यकांत सर आवर बाकि टीम को लेने आयी थी
सूर्यकांत सर .....देखा सूर्य ये वो स्पेशल सामान जो तुम्हारे वजह से मिला है ऐसा मौका बहुत काम आर्मी में को मिलता है
सूर्य .....सर आपको पता है न मैं या मेर्री जी मीडिया के सामने नहीं आएंगे
सूर्यकांत सर .....वो सब मैं देख लूंगा बीटा तुम बस मेरा साथ साथ चलो
सूर्य सूर्यकांत सर के बगल में उनके साथ चलने लगता है वही मेर्री जी सूर्य का हाथ किसी कपल के भाटी थम कर उसके साथ चलने लगती है
दोनों आर्मी यूनिफार्म में जबरदस्त लग रहे था
सोहेल सूर्य के नजदीकी आ कर बहुत डेरी से सूर्य के कान में बोलता है
सोहेल .....भाई कुछ भी बोल मेम के साथ तुम्हारी जोड़े मस्त लग रही है
मेर्री जी ......मैं भी सुन रही हूँ सोहेल
सोहेल .....वो वो सॉरी मेम
सोहेल को डरते देख मेर्री जी की हब्शी चुत जाती है साथ हे साथ सूर्य की भी
तभी बाकि आर्मी जवान इन चारो को घेर लेते है मीडिया दूर से हे इनकी पिछ आवर वीडियो रिकॉर्ड कर रहे थे
जैसे हे सूर्यकांत सर कार के पास पहुंचे एक ब्लैक कार में से आर्मी चीफ बहार निकल कर आते है
सूर्यकांत सर ..... जय हिन्द सर .सर आप यहाँ एयरपोर्ट पे
सूर्य सोहेल मेर्री जी भी आर्मी चीफ को जय हिन्द बोल सेलुटे करते है
आर्मी चीफ .......क्यों हम नहीं आ सकते mr.leftinent जेनेरल सूर्यकांत सिंह
सूर्यकांत सर .....सर मेरा वो मतलब नहीं था पैर ....
आर्मी चीफ .....कहा है वो कोहिनूर जिसके को लेने हम खुद आये है
सूर्यकांत सर .....सर वो मीडिया के सामने अपनी पहचाना उजागर नहीं काटना चाहता है
आर्मी चीफ .....कोई बात नहीं चलो चलते है हम समाज तो गए है पैर यकीं काटना मुश्किल है थोड़ा
आर्मी चीफ सूर्य को देखते हुए ये सब कहते है
सूर्यकांत सर .....जी सर पैर यही सच है
आर्मी चीफ .....चलो मेटा तुम मेरे साथ आओ
सूर्य .......सॉरी सर आपको ये सामान सूर्यकांत सर को देना चाइये उनकी वजह से हे मैं यहाँ हूँ वो मेरे लिया पिता सामान है उन्हें आप ये सामान देंगे तो मुझे ख़ुशी होगी
आर्मी चीफ ......हमें ख़ुशी होगी सूर्यकांत सर को ये सामान दे कर
आर्मी चीफ आगे भाड़ खुद सूर्यकांत सर का हाथ पकड़ कार में बेथ जाते है उनके पीछे की कार में सूर्य मेर्री जी आवर सोहेल बेथ जाता है
सोहेल इन सब से बहुत खुश था आखिर खुश हो भी क्यों न आर्मी चीफ एक देश के आर्मी के हेड के साथ पिछ आ रही थे उस से बड़ी क्या ख़ुशी होगी एक आर्मी सोल्डिएर्स के लिया
एक के बाद एक 6,7 कार का काफिला आर्मी हेअद्क़ुअतेर की तरफ बढ़ रहा वही आर्मी चीफ आवर सूर्यकांत सर कल रात की मिशन की पूरी जानकारी ले रहे थे साथ हे साथ वो सूर्य ने जो वीडियो सूर्यकांत सर को दिया था वो भी देख रहे थे
आर्मी चीफ ......मर .सूर्यकांत आपका ये कोहिनूर सुपरनैचरल है न
सूर्यकांत सर .......यस सर हे इस सुपरहमन बिंग किश हैट तक है मुझे पता नहीं पैर 5 एलिमेंट्स अभी से उसे कर सकता है सर आपको ये सब.......
आर्मी चीफ .......don't वोर्री ये हम तक हे सिमित रहेगा वैसे लड़का अच्छा है आपको वाकई में पिता का मान देता है मैंने देखा है उसकी आँखों में
सूर्यकांत सर .....मुझे हमेशा से एक आवर बेटे की ख्वाहिश थे वो तो बेटी होने के बाद कुछ प्रोब्लेम्स हो गई तो खवाहिश ादुरि रह गई थे पैर अब नहीं अब लगा है जैसे सूर्य से बेहतर मेरा बीटा हो हे नहीं सकता था
कुछ हे देर बाद सभी आर्मी हेअद्क़ुअतेर पहुंचे
सूर्य .....सर एक मिनट्स
सूर्यकांत .....है सूर्य कहो क्या बात है
सूर्य .....सर मुझे अर्जेन्ट कही जाना होगा अगर आप आवर आर्मी चीफ सर परमिशन दे तो
सूर्यकांत सर .....क्या हुआ सूर्य कुछ प्रॉब्लम है क्या
सूर्य ......जी सर बूत मैं बंडल कर लूंगा एक छोटी से मीटिंग है पुलिस वालो से
सूर्यकांत सर .....क्या हुआ सूर्य पुलिस का मामला है मैं देख लूंगा
सूर्य सर ऐसा कुछ नहीं जैसा आप सोच रहे है वो दरअशल दिल्ली पुलिस डिपार्टमेंट में से किसी ने आज सुबह गलती से मेरा no. हक करना चाहा था इस लिया बस उस साक्ष से मिलना था
सूर्यकांत सर .....उनकी हिमायत कैसे हुई तुमने क्या गुनाह किया जो उन्होंने ऐसा किया मेरी बेटी दीप्ती भी पुलिस डिपार्टमेंट में है मैं अभी कॉल करता आवर उसका पता लगता हूँ
सूर्य .....सर मैं देख लूंगा आप बस जाने की परमिशन दीजिये
आर्मी चीफ .....तुम जाओ बीटा नाईट में पार्टी है तब बात करते है
सूर्यकांत सर ....कुछ जवान ...
आर्मी चीफ ....ठीक है ले जाओ उन्हें भी आप चलिए मेरे साथ
सूर्य मेर्री जी को वही सोहेल के साथ रुकने को कह कर जिस काफिले से आये थे ुशी से वो जहा से सूर्य के फ़ोन को हक करने की कोशिश की थी उस तरफ निकल गया
वही पुलिस डिपार्टमेंट में अपने ऑफिस में दीप्ती उदार से उदार चाकर काट रही थी उसे माया द्वारा खबर मिल चुकी थी की सूर्य को पता चल गया है की उसका फ़ोन कहा से हक करने की कोशिश की गई थे
दीप्ती .....आखिर ये सूर्य है कोण आर्मी वाले कब से इतना एडवांस हो गए अगर पापा को पता चला की मैंने क्या किया है तो मेरा क्या होगा उनके आर्मी के उसूल मेरी बलि ले कर हे मानेगे
तभी बहार से एक हवलदार दण्डनेते हुए अंदर आता है
दीप्ती .....तमीज़ नहीं है क्या ये भी भूल गए अपने सीनियर के केबिन में जुड़ने से पहले परमिशन लेने चाइये
हवलदार ......सॉरी मेम वो बहार बहुत से आर्मी सोल्डिएर्स का काफिला आये है
हवलदार के बात सुन दीप्ती की आवइया इ लगी
दीप्ती ठीक है तुम चलो मैं आती हूँ
दीप्ती .....लगता है ये वही है क्या करू कहा फसा दिया इस माया की बची ने मुझे करे कोई भरे कोई बड़ी चली थे हेल्प करने
दीप्ती खुद को हलाल होने के लिया रीड कर बहार निकलती है आँखों पे ब्लैक सनग्लासेस लगा कर ताकि उसकी आँखों देख उसकी स्थिति न जान सके

नाम .....दीप्ती सींग आईपीएस अफसर
आगे ....25 ईयर
फिगर ...33 .28 .34
हिघ्त ..5.फिट 7 इंच
दीप्ती के अपनी केबिन से बहार निकलते हे सामने 12 ,13 आर्मी कमांडो के सामने सूर्य खड़ा था
सामने का नजर देख दीप्ती की हवा खुश्क होने लगती है
दीप्ती ......hello ी ऍम दीप्ती सिंह आईपीएस सो/ सूर्यकांत सिंह आपको किस से मिलना है
( सूर्य .....ये तो सूर्यकांत सर की बेटी है दीप्ती जी )
सूर्य .....hello मिस दीप्ती सिंह आईपीएस ी ऍम मेजर सूर्य ठाकुर क्या आप यहाँ की इंचार्ज अफसर है
दीप्ती ......यस मर .मेजर सूर्य ठाकुर कैन यू चामे माय केबिन प्लेसेस
सूर्य .......यस प्लेसेस आप सभी यही रुकिए
सूर्य दीप्ती के पीछे पीछे केबिन में चला जाता है दीप्ती सूर्य को चेयर ऑफर करती है
दीप्ती ....आप कुछ लेंगे mr.surya
सूर्य ......आप मुझे सूर्य कह सकती है मिस दीप्ती एंड कॉफ़ी प्लेसेस अभी अभी लम्बा सफर करके आया हूँ
दीप्ती हवलदार को 2 कॉफ़ी का बोलती है आवर बहार सब कमांडो के लिया भी
दीप्ती .....तो कहो मर .सूर्य आपकी क्या हेल्प कर सकती हूँ
सूर्य ......हेल्प अपनी कीजिये मुझे उसका नाम बता कर जिसने मेरे फ़ोन को हक करने की कोशिश की वर्ण पता तो मैं कर हे लूंगा आपके पुरे पुलिस डिपार्टमेंट का डाटा ऐसे हे थोड़े मैंने ट्रांसफर किया था
दीप्ती .....क्या सच में डाटा आपने ट्रांसफर कर दिया है
सूर्य .....अपना पक चालू कर के देख लीजिये यकीं न हो तो वो तो मैंने आपकी ऑफिस को छोड़ कर मुझे पता चलते हे कर दिया था
दीप्ती ......सुक्रिया आपका वर्ण पता नहीं मेरा क्या होता
सूर्य .....तो आप है जिसने मेरे फ़ोन को हक करने की हिमाकत की पता है इस से आपकी हे नहीं आपके senior's की भी जॉब जा सकती डिपार्टमेंट को नुकसान होता वो अलग से
सुबह मुझे उसपे गुस्सा था जिसने ये कोशिश की वो तो अच्छा है की सूर्यकांत अंकल को मैंने साथ आने से मना कर दिया वर्ण जब उन्हें पता चलता की उनकी बेटी ने क्या किया तो उनके गुस्से का सामना आपको करना पड़ता
दीप्ती ......आप पापा को कैसे जानते हो प्लीज उन्हें कुछ न कहना इस बारे में
सूर्य .......क्युकी अभी अभी अंकल के साथ हे श्रीनगर से लौटा हूँ आवर उन्हें आर्मी हेडक्वार्टर्स छोड़ कर यही आ रहा हूँ
अब आप उन्हें बुलाओ जिन्होंने आपको ये करने को कहा था
दीप्ती फ़ौरन माया को कॉल कर बुलाती है
कुछ 20 मिनट्स दोनों बात करते है तभी दीप्ती के केबिन को कोई नॉक करता है सूर्य केबिन में बने बाथरूम में चला जाता है
दीप्ती ....के इन
माया आवर सानिया दोनों आ कर दीप्ती के सामने कड़ी हो जाती है
दीप्ती .....आज तुम दोनों की नादानी की वजह से मेरी नौकरी पे बन आई थे पता भी है
माया सानिया .....सॉरी दीदी हमें क्या पता था ऐसा होता जायेगा
दीप्ती........ काम से काम मुझे तो बताती की किसका फ़ोन है मैं भी बेवकूफ बिना पूरी बात जाने मुसीबत अपने गले ले बैठी बैठो दोनों चुप चाप यहाँ
तभी बाथरूम से सूर्य निकल कर बहार आता है जिसे देखते सानिया आवर माया दोनों की नजर अपने आप जुख जाती है
सूर्य ......नजर तब जखनि चाइये थे जब गलत किया एक गलती को छुपाने के लिया दूसरी गलती की तुमदोनो की वजह से इनकी नौकरी जा सकती थे
सानिया ......सॉरी सूर्य मुझे माफ कर दो मेरी गलती नहीं थे
सूर्य ......तुम्हे क्या जरूरत थी ऐसी पिछ लेने की क्या यही सपना था तुम्हारा ऐसे डॉक्टर बनोगे तुम दोनों
सानिया चेयर से उठ कर सूर्य के पेअर पकड़ने लगी तो सूर्य ने उसे बिच में हे रोक कर गले लगा लिया
सूर्य .....अच्छा बाबा देखो सानिया रोकना नहीं मैं गुस्सा नहीं हूँ पैर तुमने ये नहीं सोचा की तुम्हारा फ़ोन किसी गलत इंसान के हाथ लग सकता है वो तुम्हारी पिछ का गलत इस्तेमाल भी कर सकता है
सानिया .....सॉरी सूर्य
सूर्य ......चल ठीक है माफ किया पैर आगे से ऐसे पिछ मत खींचना तुम्हे डॉक्टर जानना है उस पे ध्यान दो आवर आप मिस माया ममता हु लड़किया मज़ाक करती है पैर ऐसा मजाक किसी की जिंदगी तबाह कर सकता है
माया ......मुझे भी आप माफ कर दीजिये ऐसा दुबारा नहीं होगा हमें हमारा सबक मिल गया है
सूर्य .....चलो अच्छा है माफी दीप्ती जी से मानगो वो तो अच्छा है ये अंकल के बेटी निकली नहीं तो मैंने तो कुछ आवर हे सोचा था यहाँ पहुंचने से पहले
दीप्ती .....ये सब इस माया की बची की वजह से हुआ है
सानिया माया .....सॉरी दीदी
दीप्ती .....ठीक है माफ किया
सानिया .....वो वो मेरी पिछ
सूर्य .....सॉरी वो मैंने डिलीट कर दी है
दीप्ती .......फिर सॉरी क्यों बोल रहे हो
सूर्य तुम
तीनो सूर्य को देखने लगी
सानिया ......कही तुमने वो सब देखि तो नहीं न
सूर्य .....इसके लिया हे तो सॉरी बोल रहा हु की वो पिछ गलती से साडी मैंने देख ली थे डिलीट करने से पहले
सानिया ......रुको तुम्हे मैं बताती हु
सूर्य जल्दी से बहार निकलता सानिया भी पीछे पीछे दो उड़ते हुए बहार निकलती है
सूर्य को ऐसे दो ऊठे देख कमांडो अपने गन तन सूर्य को सेवे करने लपके
सूर्य ......बॉयज गन डाउन ये कोई आतंकी या खुनी नहीं है ये मेर्री फ्रेंड्स है
कमांडो ......सॉरी सर
सूर्य ....चलो चलते है सानिया तुम भी चलो सोहेल साथ आया है वो वही है आर्मी हेअद्क़ुअतेर में दीप्ती जी आप भी चलिए आपके घर हे जा रहा हूँ
दीप्ती ......ठीक है चलो हवलदार मेरी कार ले आना घर पे हमारे पीछे पीछे
माया तुम भी चलो
सूर्य तीनो लड़कियों को ले कर निकल गया
आर्मी हेअद्क़ुअतेर पहुंच सूर्य को जो हाउस अलॉट हुआ था वो मेर्री जी अपनी निगरानी में पहले हे क्लेन करवा चुकी थे सूर्य कुछ देर सबसे बात कर आराम करने चला गया वही मेर्री जी माया सानिया दीप्ती राधिका आज जो कुछ हुआ उसके बारे में चर्चा करने लगी
सूर्य काफी वक़्त तक सोता रहा वो तो सोहेल के उठाने पे उठा सोहेल ये ले भाई तेरे ड्रेस त्यार होजा आर्मी चीफ की पार्टी में चलना है की नहीं
सूर्य .....ये किसने भेजी है
सोहेल .......भाई ये मेर्री मेम ने भेजी है आवर ये दूसरी वाली मेरी है है
कुछ हे देर में सूर्य आवर सोहेल त्यार हो सूर्यकांत सर के यहाँ पहुंचे क्युकी सानिया आवर मेर्री जी वही थी वैसे भी जस्ट टच में जो हॉस्टन वही सूर्य को अलॉट हुए था सूर्यकांत सर ने अपने पास वाला हाउस हे सूर्य के लिया अलॉट करवाया था
सूर्य सोहेल जब दीप्ती के घर पहुंचे तो सब आल मोस्ट त्यार हे थे पार्टी के लिया सब लड़किया एक से भाड़ कर एक लग रहे थे
तभी किसी ने सूर्य के पीछे से उसकी आँखे बांड कर दी
लड़की ....पहचाना तो मैं कोण हूँ
सूर्य .......ुण्णं तुम्हारी खुसबू सुनिधि
सुनिधि .........क्या बात है क्या है मेजर साहब एक हे जटके में पहचाना लिया कैसे
सूर्य .....आपकी बॉडी स्मेल से जो महक खुसबू है वो हिप्नोटिक पाइजन परफ्यूम की है जो आपकी फवोरिट है
राधिका ......देवर जी लगता है गर्ल्स की खुसबू कुछ ज्यादा हे अच्छे से पहचानते है
सूर्य .....ऐसा है भाबी जी एक बार हमें जो भ जाये उसे हम भूलते नहीं सुनिधि हमारे दोस्त है तो इनकी खूबी कैसे भूल सकते है
मेर्री जी .....बाकि गुप्त सैप पार्टी में कर्जा सर के काफी कॉल आ चुके है
सभी आर्मी कैफेटेरिया की तरफ निकल गए जहा पार्टी राखी गई थे .........
अपडेट पोस्टेड फ्रेंड्स .......
रीड एंड एन्जॉय फ्रेंड्स .............
गुड नाईट फ्रेंड्स .......
वयोम .......इसे ऐसी सजा दे कर मुझे ख़ुशी होगी
वयोम के चुटकी बजाते हे कलां एक 18 साल की खूबसूरत लड़की में बदल गया
जिसे देख मानसी कभी उस लड़की को देखती कभी वयोम को
सूर्य ......उसे उसके स्थान इ पंहुचा दो आवर सकती तुम्हे गुरुदेव को परतविलोक लाना होगा
सकती .....ठीक है सूर्य मैं अभी जा रहा वही मिलता हूँ तुमसे
सकती वह से परीलोक के लिया गायब हो गया
वयोम कलां को काली बना कर चंपा रानी के कोठे पे पंहुचा सूर्य मानसी को ले श्रीनगर पहुंच गया
जहा उसने वयोम को समजा कर मानसी को उसके साथ भेज दिया
आवर खुद 5 बजे जा कर बीएड पे लेता लेटने के साथ हे सूर्य की आँख लग गई ........
अब आगे .......
दिल्ली .........
सुबह जब माया उठी तो उसे बाथरूम से किसी का गण गुनगुनाने की आवाज सुनाई पड़ी जब उसने सानिया के बिस्तर को देखा तो वह खली था
माया .......इसे क्या हुआ है जो इतनी सुबह उठ कर त्यार भी होने लगी है आवर तो आवर रोमांटिक गाने भी गुनगुना रही है
लगता है आज कुछ स्पेशल है
माया वह से अंगड़ाई लेते हे खिड़की की तरफ चली जाती है
कुछ देर बाद बाथरूम का दूर खुलने की आवाज आती है
सानिया एक टॉवल अपने सीने से ले कर जंगो तक खुद को कवर किया सीधा बड़े से मिरर के सामने पहुंच अपना टॉवल गिरा देती है

सानिया खुद के सरीर को पूरा नुदे सामने लगे मिरर में देख कर अपने उभर आवर मुनिया जिसकी अभी अभी बाथरूम से सफाई कर बालो की हलकी रेखा सी अपनी मुनिया पैर छोड़ी थी उसको भी सहला देती है
फिर पता नहीं सानिया को क्या सकता है की वह अपने मोबाइल से मिरर के सामने कुछ पिछ क्लिक करती है

सानिया एक नहीं काफी पिछ क्लिक करती है अलग अलग पोज़ में


(माया ......आज इसे क्या हुआ है इसका ऐसा रूप तो पहले कभी नहीं देखा था मैंने आज से पहले तो तो हमेशा खुद को छुपा कर रखती थी देखती हूँ आवर क्या करती है )
सानिया अपनी पूरी बॉडी पे क्रीम लगाने के बाद
एक बार फिर से अपने बदन पे टॉवल लगा कर अपनी अलमारी की तरफ बढ़ी तभी पीछे से माया जोर से बोल कर सानिया को डरा देती है
जिस का नतीजा ये होता है की

सानिया दर जाती है आवर उसके हाथो से टॉवल चुत कर सानिया के पैरो में आ गिरता है
सानिया जल्दी से अपनी छूट को आवर चूचियों को अपने डॉन हाथो से छुपाती है
माया ....... न न ये जुलम न कर मेरी जान कुदरती खजाने को तुमने अब तक छुपा रखा था अब तो दीदार करने दे
सानिया .....शट उप माया
माया फ़ौरन दौड़ कर सानिया का फ़ोन उठा लेती है
माया .......चुप चाप अपनी पुसी आवर बूब्स से हाथ हटाओ सानिया नहीं तो इसमें जो अभी जितने पोज़ में पिछ ली है वो किसी को भी सेंड कर दूंगी
सानिया .......मेरा फ़ोन लॉक है
माया ......ऐसी बात है तो रुक
सानिया को लगा माया मजाक कर रही है
इस लिया सानिया ने उसे इग्नोर कर अपना टॉवल लपेट अलमारी से कपडे निकलने लगी
माया ने सानिया का पासवर्ड पहले भी देखा तो वही लगाया आवर किस्मत से खुल भी गया माया अभी की सभी पिछ को तेग कर अपने no.pe सेंड करती है
तभी सानिया ब्रा पंतय में हे माया से अपना फ़ोन छीनने की कोशिश करती गलती से माया की ऊँगली से किसी आवर के no. पे भी पिछ सेंड हो जाती है
सानिया .......प्लेसेस माया फ़ोन निचे रख दो तुम्हारे पास है वही मेरे पास है यार
माया .....चल ठीक है उदाश न हो तुम
तभी माया के फ़ोन के मैसेज बीप एक के बाद एक 6,7 बीप होती है
माया ......लगता है तुम्हारी पिछ आ गई मेरे फ़ोन में
माया सानिया का फ़ोन दे कर अपना फ़ोन चेक करती है
उदार सानिया को जैसे हे फ़ोन मिला वह अपना फ़ोन चेक करती है
अगले हे पल सानिया पुरे गुस्से में माया पे चिलाती है
सानिया ........माया की बच्ची ये क्या किया तुमने बेवकूफ लड़की
माया ......क्या हुआ सानिया इतना चीला क्यों रही है यार तुम्हारे साथ बस मजाक कर रही थी ले तुम्हारे सामने हे डिलीट कर देती हूँ
सानिया अपना मुँह लटका कर वही बिस्तर पे बेथ जाती है
माया अपने फ़ोन से सभी पिछ सानिया के सामने डिलीट करती है फिर भी सानिया का मुँह उतरा देख माया सानिया के पास बेथ जाती है
माया .......सॉरी यार मुझे नहीं पता था तू इतनी नजर हो जाएगी देख अब तो मैंने तेरी पिछ डिलीट कर दी है
सानिया ......तुम्हे पता नहीं माया तुम्हारे मजाक ने क्या किया है
माया .....कैसे बहकी बहकी बात कर रही हो
सानिया ......मेरी पिछ तुम्हारे पास होती तो कोई बात नहीं थी पैर तुमने अपने साथ साथ किसी आवर को भी सेंड कर दिया क्या उसके फ़ोन से डिलीट कर सकती हो
माया ......ये क्या कह रही है यार
सानिया अपना फ़ोन माया को देती है
जब माया चेक करती है तो उसका भी मुँह खुला का खुला रह जाता है
माया .......ये तो बहुत बड़ी गड़बड़ हो गई ये पिछ तो उसके पास पहुंच गई है
सानिया ......पता नहीं सूर्य मेरा बारे में क्या सोच रहा होगा की कैसी लड़की है जो सामने से अपनी इतनी साडी नुदे पिछ भेज रही है कल हे तो उसने मेरे भाई को बचने की खुशखबरी दी आवर आज सुबह हे ये सब
ये सब कहते हुए सानिया की आँखे नाम हो गई
लड़की कितनी भी खुले विचारो वाली हो पैर जब ऐसा कुछ उसकी मर्जी के बिना होता है तो दिल में कही न कही एक दर्द एक जखम बन हे जाता है
माया ......ी ऍम रियली सॉरी माया मुझे नहीं पता था ऐसा कुछ हो जायेगा
तू चिंता न कर अभी तुम्हारी पिछ डिलीट करवाती हूँ अभी उसने तुम्हारी पिछ देखि नहीं है
सानिया ...... क्या सच में ये संभव है
माया अपने फ़ोन से किसी को कॉल करती है
माया .....hello दीप्ती दी मैं माया बोल रही हूँ
दीप्ती .....है माया बोलो क्या बात है इतनी सुबह सुबह कैसे याद किया सब ठीक है न
माया ......दीदी एक गलती हो गई आवर उसे सुधरने के लिया मुझे आपकी हेल्प चाइये
दीप्ती .....है माया बोलो क्या बात है
माया .....दीदी मैं अपनी फ्रेंड्स के साथ मजाक कर रही थे उसकी पिछ को ले कर मैं अपने फ़ोन पे सेंड कर रही थी पैर
दीप्ती .....पैर क्या माया
माया .....दीदी वो पिछ मेरे साथ साथ किसी आवर को भी सेंड हो गई प्लेसेस उसके देखने से पहले किसी भी तरह डिलीट कर दीजिये
दीप्ती ......क्या वो पिछ पर्सनल थी माया
माया .....जी दीदी प्लेसेस हेल्प में
दीप्ती ......ठीक है मैं अभी ऑफिस के रस्ते में हु मुझे वो दोनों no. सेंड कर जिस से पिछ भेजी है वो आवर आवर जिस no. पे पिछ पहुंची है वो दोनों no. दे जल्दी मुझे
माया .....थैंक्स दीदी मैं आपके no.pe दोनों no. मैसेज कर दिए है
दीप्ती .......तुम्हे बाद में देखती हूँ अभी ये काम ख़तम कर लूँ फिर बिताती हूँ
माया ......ी ऍम सॉरी दीदी
माया कॉल क्यूट कर देती है
सानिया ......माया ये दीप्ती कोण है आवर ये कैसे डेल्फ्ट करेगी
माया ......दीप्ती मेरी पहचान के एक बड़ी पुलिस अफसर है
वो जल्दी हे तुम्हारी पिछ सूर्य का फ़ोन से डिलीट कर देगी
सानिया ......पैर कैसे
माया .........सिंपल है यार फ़ोन को हक करके के
सानिया .....ी हॉप सूर्य को इसके बारे में पता न चले नहीं तो वो बहुत गुस्सा होगा उसके फ़ोन को इस तरह से हक करने से
अभी 15 मिनट्स भी नहीं हुए थे की दीप्ती का कॉल आता है माया को
माया ......hello दीप्ती दीदी आपतो बहुत फ़ास्ट निकली इतनी जल्दी काम हो भी गया
दीप्ती ......है हो गया काम तुम्हारे साथ साथ पुरे पुलिस डिपार्टमेंट का भी बेवकूफ लड़की किसका no. है ये #######911 पता भी है पूरा पुलिस सिस्टम हक कर लिया है उसने
माया ......क्याआ
दीप्ती ......मेरी नौकरी तो गई संजो
माया ......ये आप क्या कह रही हो ऐसा कैसे हो सकता है
दीप्ती .....उसका फ़ोन लाखो फ़ायरवॉल से प्रोटेक्ट एडवांस सॉफ्टवेयर उसे फ़ोन है अब पूरा पुलिस डिपार्टमेंट का डाटा उसके पास है
माया ......सॉरी दीदी मुझे नहीं पता था ऐसा हो जायेगा
दीप्ती ......किसी भी तरह उस से बात कर उसे मना की वो डाटा वापिस ट्रांसफर करे
माया ......मैं अपने दोस्त को बोलती हूँ वो सूर्य से बात कर किसी तरह मना लेगी उसे
दीप्ती ......ये सूर्य है कोण करता क्या है
माया ......दीदी ये आर्मी में है
दीप्ती ......नहीं आर्मी इतने एडवांस सॉफ्टवेयर उसे नहीं करती तुम क्या करोगी मुझे पता नहीं पैर जल्द से जल्द उसे किसी तरह मनाओ नौकरी तो गई कही केस हे न चालू हो जाये मुझपे तुम्हारे हेल्प करने के चाकर में घर की रही न घाट की
दीप्ती गुस्से में कॉल कट कर दिते है माया सानिया को पूरी बात बता कर सूर्य को
कवेयन्स करने बोलती है
सानिया .....ठीक है मैं बात करती हूँ मुझे हे उसका गुस्सा झेलना होगा
श्रीनगर आर्मी हेअद्क़ुअतेर ..........
सूर्य सुबह 3 हर की नींद पूरी कर उठा फ्रेश हुआ आवर कुछ वक़्त ध्यान लगाने के बाद जब अपना फ़ोन चेक करता है तो एक बार तो उसके चेहरे पे गुस्सा आ आया पैर अगले हे पल सूर्य का रूम ठहाको से गूंज उठा
सूर्य .........ये किस पुलिस वाले को चल मची है इतनी जो मेरा फ़ोन हक करने चला था आ रहा हूँ बीटा तेरी वही दिल्ली में मरूंगा
तभी सूर्य के नजर सानिया के मैसेज पे पड़ती है
सूर्य .....सुबह सुबह सानिया ने इतने कॉल क्यों किया है आवर इतनी पिछ किसकी भेजी है
जैसे हे सूर्य पिछ के टिक करता है उसका मुँह खुला का खुला रह जाता है क्युकी सूर्य की आँखों के सामने सानिया का नंगे बदन की अलग अलग पोज़ में 6,7 पिछ थे जो खुद सानिया ने मिरर रिफ्लेक्शन में खींची थी
सूर्य .....क्या बात है लगता है इसकी जल्दी हे खोल्नु पड़ेगी कुछ ज्यादा हे गर्मी चढ़ी है
तभी एक बार फिर सूर्य के फ़ोन पे सानिया का कॉल आता है
सूर्य ......hello सानिया कैसे हो तुम क्या हुआ सुबह सुबह इतने कॉल वो क्या मैं अभी उठा था तो तो तुम्हारा हे कॉल आ रहा था मैं जल्दी हे दिल्ली आ रहा हूँ किसी ने मेरे फ़ोन को वह से हक किया वही मिलता हूँ तुमसे bye सानिया अभी जल्दी में हूँ फ्लाइट पकड़नी है
सूर्य कॉल कट कर देता है बिना सानिया को कुछ भी बोलने का मौका दिया
( सूर्य ने पिछ वाली बात कुछ सोच कर गोल कर दी )
सुर्यवहा से बहार निकल कर मेर्री जी को अपने साथ ले सूर्य सूर्यकांत सर से मिलने निकल जाता है वह सूर्य अपनी सभी फॉर्मेलिटी पूरी कर
कुछ 1 हर के बाद सूर्य सूर्यकांत सर मेर्री जी आवर सोहेल 10 ऍम की फ्लाइट से दिल्ली के लिया रवाना हो गए
11:45 पे सभी दिल्ली एयरपोर्ट पे लेंड करते है जहा बहार निकलते हे कुछ आर्मी कार्स सूर्यकांत सर आवर बाकि टीम को लेने आयी थी
सूर्यकांत सर .....देखा सूर्य ये वो स्पेशल सामान जो तुम्हारे वजह से मिला है ऐसा मौका बहुत काम आर्मी में को मिलता है
सूर्य .....सर आपको पता है न मैं या मेर्री जी मीडिया के सामने नहीं आएंगे
सूर्यकांत सर .....वो सब मैं देख लूंगा बीटा तुम बस मेरा साथ साथ चलो
सूर्य सूर्यकांत सर के बगल में उनके साथ चलने लगता है वही मेर्री जी सूर्य का हाथ किसी कपल के भाटी थम कर उसके साथ चलने लगती है
दोनों आर्मी यूनिफार्म में जबरदस्त लग रहे था
सोहेल सूर्य के नजदीकी आ कर बहुत डेरी से सूर्य के कान में बोलता है
सोहेल .....भाई कुछ भी बोल मेम के साथ तुम्हारी जोड़े मस्त लग रही है
मेर्री जी ......मैं भी सुन रही हूँ सोहेल
सोहेल .....वो वो सॉरी मेम
सोहेल को डरते देख मेर्री जी की हब्शी चुत जाती है साथ हे साथ सूर्य की भी
तभी बाकि आर्मी जवान इन चारो को घेर लेते है मीडिया दूर से हे इनकी पिछ आवर वीडियो रिकॉर्ड कर रहे थे
जैसे हे सूर्यकांत सर कार के पास पहुंचे एक ब्लैक कार में से आर्मी चीफ बहार निकल कर आते है
सूर्यकांत सर ..... जय हिन्द सर .सर आप यहाँ एयरपोर्ट पे
सूर्य सोहेल मेर्री जी भी आर्मी चीफ को जय हिन्द बोल सेलुटे करते है
आर्मी चीफ .......क्यों हम नहीं आ सकते mr.leftinent जेनेरल सूर्यकांत सिंह
सूर्यकांत सर .....सर मेरा वो मतलब नहीं था पैर ....
आर्मी चीफ .....कहा है वो कोहिनूर जिसके को लेने हम खुद आये है
सूर्यकांत सर .....सर वो मीडिया के सामने अपनी पहचाना उजागर नहीं काटना चाहता है
आर्मी चीफ .....कोई बात नहीं चलो चलते है हम समाज तो गए है पैर यकीं काटना मुश्किल है थोड़ा
आर्मी चीफ सूर्य को देखते हुए ये सब कहते है
सूर्यकांत सर .....जी सर पैर यही सच है
आर्मी चीफ .....चलो मेटा तुम मेरे साथ आओ
सूर्य .......सॉरी सर आपको ये सामान सूर्यकांत सर को देना चाइये उनकी वजह से हे मैं यहाँ हूँ वो मेरे लिया पिता सामान है उन्हें आप ये सामान देंगे तो मुझे ख़ुशी होगी
आर्मी चीफ ......हमें ख़ुशी होगी सूर्यकांत सर को ये सामान दे कर
आर्मी चीफ आगे भाड़ खुद सूर्यकांत सर का हाथ पकड़ कार में बेथ जाते है उनके पीछे की कार में सूर्य मेर्री जी आवर सोहेल बेथ जाता है
सोहेल इन सब से बहुत खुश था आखिर खुश हो भी क्यों न आर्मी चीफ एक देश के आर्मी के हेड के साथ पिछ आ रही थे उस से बड़ी क्या ख़ुशी होगी एक आर्मी सोल्डिएर्स के लिया
एक के बाद एक 6,7 कार का काफिला आर्मी हेअद्क़ुअतेर की तरफ बढ़ रहा वही आर्मी चीफ आवर सूर्यकांत सर कल रात की मिशन की पूरी जानकारी ले रहे थे साथ हे साथ वो सूर्य ने जो वीडियो सूर्यकांत सर को दिया था वो भी देख रहे थे
आर्मी चीफ ......मर .सूर्यकांत आपका ये कोहिनूर सुपरनैचरल है न
सूर्यकांत सर .......यस सर हे इस सुपरहमन बिंग किश हैट तक है मुझे पता नहीं पैर 5 एलिमेंट्स अभी से उसे कर सकता है सर आपको ये सब.......
आर्मी चीफ .......don't वोर्री ये हम तक हे सिमित रहेगा वैसे लड़का अच्छा है आपको वाकई में पिता का मान देता है मैंने देखा है उसकी आँखों में
सूर्यकांत सर .....मुझे हमेशा से एक आवर बेटे की ख्वाहिश थे वो तो बेटी होने के बाद कुछ प्रोब्लेम्स हो गई तो खवाहिश ादुरि रह गई थे पैर अब नहीं अब लगा है जैसे सूर्य से बेहतर मेरा बीटा हो हे नहीं सकता था
कुछ हे देर बाद सभी आर्मी हेअद्क़ुअतेर पहुंचे
सूर्य .....सर एक मिनट्स
सूर्यकांत .....है सूर्य कहो क्या बात है
सूर्य .....सर मुझे अर्जेन्ट कही जाना होगा अगर आप आवर आर्मी चीफ सर परमिशन दे तो
सूर्यकांत सर .....क्या हुआ सूर्य कुछ प्रॉब्लम है क्या
सूर्य ......जी सर बूत मैं बंडल कर लूंगा एक छोटी से मीटिंग है पुलिस वालो से
सूर्यकांत सर .....क्या हुआ सूर्य पुलिस का मामला है मैं देख लूंगा
सूर्य सर ऐसा कुछ नहीं जैसा आप सोच रहे है वो दरअशल दिल्ली पुलिस डिपार्टमेंट में से किसी ने आज सुबह गलती से मेरा no. हक करना चाहा था इस लिया बस उस साक्ष से मिलना था
सूर्यकांत सर .....उनकी हिमायत कैसे हुई तुमने क्या गुनाह किया जो उन्होंने ऐसा किया मेरी बेटी दीप्ती भी पुलिस डिपार्टमेंट में है मैं अभी कॉल करता आवर उसका पता लगता हूँ
सूर्य .....सर मैं देख लूंगा आप बस जाने की परमिशन दीजिये
आर्मी चीफ .....तुम जाओ बीटा नाईट में पार्टी है तब बात करते है
सूर्यकांत सर ....कुछ जवान ...
आर्मी चीफ ....ठीक है ले जाओ उन्हें भी आप चलिए मेरे साथ
सूर्य मेर्री जी को वही सोहेल के साथ रुकने को कह कर जिस काफिले से आये थे ुशी से वो जहा से सूर्य के फ़ोन को हक करने की कोशिश की थी उस तरफ निकल गया
वही पुलिस डिपार्टमेंट में अपने ऑफिस में दीप्ती उदार से उदार चाकर काट रही थी उसे माया द्वारा खबर मिल चुकी थी की सूर्य को पता चल गया है की उसका फ़ोन कहा से हक करने की कोशिश की गई थे
दीप्ती .....आखिर ये सूर्य है कोण आर्मी वाले कब से इतना एडवांस हो गए अगर पापा को पता चला की मैंने क्या किया है तो मेरा क्या होगा उनके आर्मी के उसूल मेरी बलि ले कर हे मानेगे
तभी बहार से एक हवलदार दण्डनेते हुए अंदर आता है
दीप्ती .....तमीज़ नहीं है क्या ये भी भूल गए अपने सीनियर के केबिन में जुड़ने से पहले परमिशन लेने चाइये
हवलदार ......सॉरी मेम वो बहार बहुत से आर्मी सोल्डिएर्स का काफिला आये है
हवलदार के बात सुन दीप्ती की आवइया इ लगी
दीप्ती ठीक है तुम चलो मैं आती हूँ
दीप्ती .....लगता है ये वही है क्या करू कहा फसा दिया इस माया की बची ने मुझे करे कोई भरे कोई बड़ी चली थे हेल्प करने
दीप्ती खुद को हलाल होने के लिया रीड कर बहार निकलती है आँखों पे ब्लैक सनग्लासेस लगा कर ताकि उसकी आँखों देख उसकी स्थिति न जान सके

नाम .....दीप्ती सींग आईपीएस अफसर
आगे ....25 ईयर
फिगर ...33 .28 .34
हिघ्त ..5.फिट 7 इंच
दीप्ती के अपनी केबिन से बहार निकलते हे सामने 12 ,13 आर्मी कमांडो के सामने सूर्य खड़ा था
सामने का नजर देख दीप्ती की हवा खुश्क होने लगती है
दीप्ती ......hello ी ऍम दीप्ती सिंह आईपीएस सो/ सूर्यकांत सिंह आपको किस से मिलना है
( सूर्य .....ये तो सूर्यकांत सर की बेटी है दीप्ती जी )
सूर्य .....hello मिस दीप्ती सिंह आईपीएस ी ऍम मेजर सूर्य ठाकुर क्या आप यहाँ की इंचार्ज अफसर है
दीप्ती ......यस मर .मेजर सूर्य ठाकुर कैन यू चामे माय केबिन प्लेसेस
सूर्य .......यस प्लेसेस आप सभी यही रुकिए
सूर्य दीप्ती के पीछे पीछे केबिन में चला जाता है दीप्ती सूर्य को चेयर ऑफर करती है
दीप्ती ....आप कुछ लेंगे mr.surya
सूर्य ......आप मुझे सूर्य कह सकती है मिस दीप्ती एंड कॉफ़ी प्लेसेस अभी अभी लम्बा सफर करके आया हूँ
दीप्ती हवलदार को 2 कॉफ़ी का बोलती है आवर बहार सब कमांडो के लिया भी
दीप्ती .....तो कहो मर .सूर्य आपकी क्या हेल्प कर सकती हूँ
सूर्य ......हेल्प अपनी कीजिये मुझे उसका नाम बता कर जिसने मेरे फ़ोन को हक करने की कोशिश की वर्ण पता तो मैं कर हे लूंगा आपके पुरे पुलिस डिपार्टमेंट का डाटा ऐसे हे थोड़े मैंने ट्रांसफर किया था
दीप्ती .....क्या सच में डाटा आपने ट्रांसफर कर दिया है
सूर्य .....अपना पक चालू कर के देख लीजिये यकीं न हो तो वो तो मैंने आपकी ऑफिस को छोड़ कर मुझे पता चलते हे कर दिया था
दीप्ती ......सुक्रिया आपका वर्ण पता नहीं मेरा क्या होता
सूर्य .....तो आप है जिसने मेरे फ़ोन को हक करने की हिमाकत की पता है इस से आपकी हे नहीं आपके senior's की भी जॉब जा सकती डिपार्टमेंट को नुकसान होता वो अलग से
सुबह मुझे उसपे गुस्सा था जिसने ये कोशिश की वो तो अच्छा है की सूर्यकांत अंकल को मैंने साथ आने से मना कर दिया वर्ण जब उन्हें पता चलता की उनकी बेटी ने क्या किया तो उनके गुस्से का सामना आपको करना पड़ता
दीप्ती ......आप पापा को कैसे जानते हो प्लीज उन्हें कुछ न कहना इस बारे में
सूर्य .......क्युकी अभी अभी अंकल के साथ हे श्रीनगर से लौटा हूँ आवर उन्हें आर्मी हेडक्वार्टर्स छोड़ कर यही आ रहा हूँ
अब आप उन्हें बुलाओ जिन्होंने आपको ये करने को कहा था
दीप्ती फ़ौरन माया को कॉल कर बुलाती है
कुछ 20 मिनट्स दोनों बात करते है तभी दीप्ती के केबिन को कोई नॉक करता है सूर्य केबिन में बने बाथरूम में चला जाता है
दीप्ती ....के इन
माया आवर सानिया दोनों आ कर दीप्ती के सामने कड़ी हो जाती है
दीप्ती .....आज तुम दोनों की नादानी की वजह से मेरी नौकरी पे बन आई थे पता भी है
माया सानिया .....सॉरी दीदी हमें क्या पता था ऐसा होता जायेगा
दीप्ती........ काम से काम मुझे तो बताती की किसका फ़ोन है मैं भी बेवकूफ बिना पूरी बात जाने मुसीबत अपने गले ले बैठी बैठो दोनों चुप चाप यहाँ
तभी बाथरूम से सूर्य निकल कर बहार आता है जिसे देखते सानिया आवर माया दोनों की नजर अपने आप जुख जाती है
सूर्य ......नजर तब जखनि चाइये थे जब गलत किया एक गलती को छुपाने के लिया दूसरी गलती की तुमदोनो की वजह से इनकी नौकरी जा सकती थे
सानिया ......सॉरी सूर्य मुझे माफ कर दो मेरी गलती नहीं थे
सूर्य ......तुम्हे क्या जरूरत थी ऐसी पिछ लेने की क्या यही सपना था तुम्हारा ऐसे डॉक्टर बनोगे तुम दोनों
सानिया चेयर से उठ कर सूर्य के पेअर पकड़ने लगी तो सूर्य ने उसे बिच में हे रोक कर गले लगा लिया
सूर्य .....अच्छा बाबा देखो सानिया रोकना नहीं मैं गुस्सा नहीं हूँ पैर तुमने ये नहीं सोचा की तुम्हारा फ़ोन किसी गलत इंसान के हाथ लग सकता है वो तुम्हारी पिछ का गलत इस्तेमाल भी कर सकता है
सानिया .....सॉरी सूर्य
सूर्य ......चल ठीक है माफ किया पैर आगे से ऐसे पिछ मत खींचना तुम्हे डॉक्टर जानना है उस पे ध्यान दो आवर आप मिस माया ममता हु लड़किया मज़ाक करती है पैर ऐसा मजाक किसी की जिंदगी तबाह कर सकता है
माया ......मुझे भी आप माफ कर दीजिये ऐसा दुबारा नहीं होगा हमें हमारा सबक मिल गया है
सूर्य .....चलो अच्छा है माफी दीप्ती जी से मानगो वो तो अच्छा है ये अंकल के बेटी निकली नहीं तो मैंने तो कुछ आवर हे सोचा था यहाँ पहुंचने से पहले
दीप्ती .....ये सब इस माया की बची की वजह से हुआ है
सानिया माया .....सॉरी दीदी
दीप्ती .....ठीक है माफ किया
सानिया .....वो वो मेरी पिछ
सूर्य .....सॉरी वो मैंने डिलीट कर दी है
दीप्ती .......फिर सॉरी क्यों बोल रहे हो
सूर्य तुम
तीनो सूर्य को देखने लगी
सानिया ......कही तुमने वो सब देखि तो नहीं न
सूर्य .....इसके लिया हे तो सॉरी बोल रहा हु की वो पिछ गलती से साडी मैंने देख ली थे डिलीट करने से पहले
सानिया ......रुको तुम्हे मैं बताती हु
सूर्य जल्दी से बहार निकलता सानिया भी पीछे पीछे दो उड़ते हुए बहार निकलती है
सूर्य को ऐसे दो ऊठे देख कमांडो अपने गन तन सूर्य को सेवे करने लपके
सूर्य ......बॉयज गन डाउन ये कोई आतंकी या खुनी नहीं है ये मेर्री फ्रेंड्स है
कमांडो ......सॉरी सर
सूर्य ....चलो चलते है सानिया तुम भी चलो सोहेल साथ आया है वो वही है आर्मी हेअद्क़ुअतेर में दीप्ती जी आप भी चलिए आपके घर हे जा रहा हूँ
दीप्ती ......ठीक है चलो हवलदार मेरी कार ले आना घर पे हमारे पीछे पीछे
माया तुम भी चलो
सूर्य तीनो लड़कियों को ले कर निकल गया
आर्मी हेअद्क़ुअतेर पहुंच सूर्य को जो हाउस अलॉट हुआ था वो मेर्री जी अपनी निगरानी में पहले हे क्लेन करवा चुकी थे सूर्य कुछ देर सबसे बात कर आराम करने चला गया वही मेर्री जी माया सानिया दीप्ती राधिका आज जो कुछ हुआ उसके बारे में चर्चा करने लगी
सूर्य काफी वक़्त तक सोता रहा वो तो सोहेल के उठाने पे उठा सोहेल ये ले भाई तेरे ड्रेस त्यार होजा आर्मी चीफ की पार्टी में चलना है की नहीं
सूर्य .....ये किसने भेजी है
सोहेल .......भाई ये मेर्री मेम ने भेजी है आवर ये दूसरी वाली मेरी है है
कुछ हे देर में सूर्य आवर सोहेल त्यार हो सूर्यकांत सर के यहाँ पहुंचे क्युकी सानिया आवर मेर्री जी वही थी वैसे भी जस्ट टच में जो हॉस्टन वही सूर्य को अलॉट हुए था सूर्यकांत सर ने अपने पास वाला हाउस हे सूर्य के लिया अलॉट करवाया था
सूर्य सोहेल जब दीप्ती के घर पहुंचे तो सब आल मोस्ट त्यार हे थे पार्टी के लिया सब लड़किया एक से भाड़ कर एक लग रहे थे
तभी किसी ने सूर्य के पीछे से उसकी आँखे बांड कर दी
लड़की ....पहचाना तो मैं कोण हूँ
सूर्य .......ुण्णं तुम्हारी खुसबू सुनिधि
सुनिधि .........क्या बात है क्या है मेजर साहब एक हे जटके में पहचाना लिया कैसे
सूर्य .....आपकी बॉडी स्मेल से जो महक खुसबू है वो हिप्नोटिक पाइजन परफ्यूम की है जो आपकी फवोरिट है
राधिका ......देवर जी लगता है गर्ल्स की खुसबू कुछ ज्यादा हे अच्छे से पहचानते है
सूर्य .....ऐसा है भाबी जी एक बार हमें जो भ जाये उसे हम भूलते नहीं सुनिधि हमारे दोस्त है तो इनकी खूबी कैसे भूल सकते है
मेर्री जी .....बाकि गुप्त सैप पार्टी में कर्जा सर के काफी कॉल आ चुके है
सभी आर्मी कैफेटेरिया की तरफ निकल गए जहा पार्टी राखी गई थे .........
अपडेट पोस्टेड फ्रेंड्स .......
रीड एंड एन्जॉय फ्रेंड्स .............
गुड नाईट फ्रेंड्स .......









































