Incest Rishton Me Hasin Badlav-part1&2 - Page 13 - SexBaba
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Incest Rishton Me Hasin Badlav-part1&2

अपडेट. -. 93. चंडीगढ़ का टूर-4 हरप्रीत की चुदाई का किस्सा कंटीन्यूइंग:

हरप्रीत 👇 अपनी मम्मी और मां जी की





चुदाई देखने के baad,apne कुलदीप भय के साथ जफ्फी दाल कर लेट गयी.

अब अग्गेय:

अभी तक जो भी भाई बहन ने किया था चुप चाप किया था.

मतलब चुप चाप खेले थे भाई बहिन एक दूजे के गुप्तांगों के साथ .

लेकिन अब कुलदीप ने अपना लोढ़ा हरप्रीत के





paws smileys

हाथ में पकड़ा कर kaha,behna प्यार करो अपने भाई छुम यार के लुंड को.

अज्ज तुम्हारे कजिन के लुंड ने तुम्हारी छूट की सैर करनी है.

हरप्रीत :मेने अपने भाई का लुंड बहुत





serene

प्यार से पकड़ कर दबा दिया और लोडे के सुपर पर प्यार से अपना हाथ फेरने लगी. उसका हाथ भी अपनी फुद्दी पर रखवा लिया.

मेने अपने भाई के लोडे को मुठियाते हुए पूछा, भय कैसे लगा तुमको अपनी बहिन के शरीर से पहली बार खेल कर.

मेरी छूट तो तभी से गीली हो गई थी जब तुम ने हुग करते समय मेरे मुम्मे मसल दिए थे.

तभी मेने तुमसे अपनी फुद्दी का उद्घाटन करवाने का फैसला कर लिया था.

और मां जी ने मेरी मम्मी को छोड़ कर अग्ग में घी डालने का काम कर दिया.

कुलदीप: में तो जब से मेरा लुंड खड़ा होना शुरू हुआ है तब से hi पता नहीं कितनी बार तुम्हारे नाम की मुठ मर चूका हूँ.

मेने भी तुम्हारी मम्मी और मेरे पापा की चुदाई, पिछली बार जब में यहाँ पापा के साथ आया था तब देखि थी.

तब तुम यहाँ नहीं आयी हुई थी.

तब भी जसवीर बुआ को ऐसे hi छू रहे थे पापा जैसे अज्ज छुआ था उन्होंने.

मुझे कुछ शक हुआ और इसीलिए में जगता रहा और अपने पापा को जसवीर बुआ की छूट मरते हुए इसी खिड़की से देखता रहा.

मेने उस दिन hi सोचा था के अगर पापा अपना लोढ़ा अपनी बहन के भोसड़े में दाल सकते है.

तो में क्यों नहीं अपनी प्यारी और गोरी चिट्टी बहन हरप्रीत की छूट मर सकता.

तभी से में तुम्हारी फुद्दी में अपना लोढ़ा डालने के लिए आतुर था.

इसीलिए अज्ज मेने बोल्ड होकर तुम को पकड़ लिया.

वैसे तो मुझे तुम से बहुत दर लगता था के तुम कहीं गुस्सा न हो जाओ चूँकि तुम मेरी इकलौती बहन हो और में तुम्हारा इकलौता भाई.

लेकिन जब मेने तुमको अपनी मम्मी और मेरे पापा की चुदाई ,देख ते हुए देखा तो मुझ में तुमको पकड़ ने का हौसला पता नहीं कहाँ से ा गया .

मेरा दिल बहुत तेज धड़क रहा था के कहीं अगर मेरी प्यारी बहिन गुस्सा हो गई तो में कहीं का नहीं रहूँगा.

बहुत शुक्रिया बहन मुझ पर गुस्सा न होने के लिए ,मेने भावुक होकर हरप्रीत से कहा.

हरप्रीत: भय अब तुम क्यों भावुक हो रहे हो अब तो मेने तुमको अपना यार स्वीकार कर लिया है.

अब तुम अपनी बहिन की छूट से खेल रहे हो .

और में अपने भय के लुंड की बहुत प्यार से मुठ मर रही हूँ .





कुलदीप: बहना ऐसे सिर्फ लुंड की मुठ मरने से थोड़ा में तुम्हारा यार बन जाऊंगा.

अगर तुमने सच मच अपने भय को अपना yar/bf मन लिया है तो मेरे सांप को अपने बिल में जगह क्यों नहीं देती.

हरप्रीत: यार ये जो कुछ हम भाई बहिन कर रहे है.

ये सब कुछ तुम्हारे लुंड और मेरी छूट के मिलान की तयारी hi तो है.

पहले तो यही कुछ hi करना पड़ता है.

सीधा hi थोड़ा तुम अपनी बहिन को पकड़ कर उसकी छूट में अपना लोढ़ा दाल डोज .

कुलदीप: अब जब हम भाई बहिन यहाँ तक पहुँच hi गए है.

तो मुझे कहाँ सकूँ आएगा जब तक में अपना लोढ़ा तुम्हारी छूट में न दाल दू.

हरप्रीत: ठीक है भय ,में त्यार हु तुम से अपनी सील तुड़वाने के लिए.

लेकिन में वर्जिन हु और जब तुम अपना इतना बड़ा लुंड पहली बार मेरी फुद्दी में डालोगे,

तो दर्द से मेरी चीख भी तो निकल सकती है.

चीख सुन कर मम्मी यहाँ ा गयी तो उसको क्या कहेंगे.

हमको सही समय का इंतज़ार करना पड़ेगा.

क्या पता मां जी और मम्मी कही घूमने चले जाएँ

या कहें के कहीं बहार मज़ा लेने चले जाएँ .

चूँकि अब हम दोनों ये जान गए है

के ये दोनों भाई बहन के साथ साथ यार भी है अब एक दूजे के.

अगर वह बहार जायेंगे हम दोनों को छोड़ कर तो तुम मर लेना मेरी छूट.

मुझे तो लगता है के ये दोनों बहार जरूर जायेंगे .

चूँकि मां जी चाहते है के तुम दाल दो अपना लुंड मेरी छूट में.

ऐसा उन्होंने मेरी मम्मी को छोड़ते समय भी कहा था अपनी बहिन को.

में वादा करती हूँ, के जैसे hi मौका मिला में डलवा लुंगी तुम्हारा लुंड अपनी वर्जिन छूट में.

कुलदीप खुश हो गया अपनी बहिन की छूट मरवाने के लिए सहमति से.

और उसने ज़ोर से जफ्फी दाल ली अपनी बहिन से.

उसके बाद दोनों भाई बहन एक दूजे की बाँहों में सो गए.

लेकिन सुबह फिर दोनों भाई बहन जग गए जब उन्होंने साथ वाले कमरे में कुछ हलचल होती हुई सुनी,

जिसमे हरप्रीत की मम्मी और मां थे.

उन दोनों ने खिड़की से देखा के जसवीर 👇





अपने भाई का लोढ़ा अपने फुद्दी में लेकर अपने निरपाल भाई के ऊपर बैठी थी और ज़ोर





winter smileys

से उसके लुंड पर कूद रही थी.

इधर कुलदीप ने भी अपना लुंड अपनी बहिन हरप्रीत की गांड की दरार में सेट करके उसके मुम्मे पकड़ लिए.

जसवीर अपने भय निरपाल से बोली अज्ज तुम को क्या हुआ है. पहले तो तुम एक बार मेरा फुड्डा मर कर चले जाते थे अपने कमरे में.

निरपाल ने कहा यार आज मुझे तुम कुछ ज्यादा hi खूबसूरत लगी इसलिए मेने सुबह भी तुमको पकड़ लिया.

यार अग्ग तो तुम्हारे भोसड़े में भी लगी हुई है .

तभी तो तुम मेरा लोढ़ा अपने फुद्दी में लेकर कूद रही हो मेरे लुंड पर.

जसवीर ने कहा यार ये अग्ग कहा बुझ टी है.

लेकिन साथ वाले कमरे में मेरी बेटी हरप्रीत भी सो रही hai,zara उसका भी तो ख्याल करो भय.

निरपाल ने कहा: में तो चाहता हु के कुलदीप और हरप्रीत भी हमारी चुदाई देख लें.

और जैसे तुम अब मेरा लुंड अपने फुद्दी में लेकर कूद रही हो.

ऐसे hi हरप्रीत भी कुलदीप का लुंड अपनी छूट में लेकर, उस पर कूद कर ,मज़े से छूट मरवा ले अपने भय से.

वैसे मेने रात देखा था, कुलदीप और हरप्रीत को .

वह ,हम दोनों की चुदाई खिड़की पर खड़े होकर देख रहे थे , एक दूजे के साथ चिपक कर.

इसीलिए मेने अज्ज सुबह भी तुम्हारी छूट मरने के वारे में सोचा ता के हरप्रीत और कुलदीप अच्छी तरह गर्म हो जाये.

और कुलदीप अपनी बहिन की सील तोड़ दे ,फिर हमारे सेक्स वाली बात भी वो किसी से नहीं करेंगे.

अभी तक तो कुलदीप ने नहीं छोड़ा हरप्रीत को .

चूँकि अगर कुलदीप ने पहली बार लुंड डाला होता हरप्रीत की वर्जिन छूट में.

तो मुझे उसकी चीख की आवाज जरूर सुन टी.

अब हम अज्ज कहीं घूमने चलेंगे.

हम भी एन्जॉय करेंगे बाहर घूम कर एक पति पत्नी की तरह .

और उन दोनों को भी मौका देंगे पति पत्नी की तरह पहली चुदाई करने का.

हो सकता है वो दोनों अब भी हमारी चुदाई देख रहे हो.

अब इस से ज्यादा 💚💚💚 ग्रीन सिग्नल तो हम नहीं दे सकते िह्न दोनों भाई बहन को.

बाकि शाम को जब हम घर वापस आएंगे घूम कर.

तो हम को हरप्रीत की चाल से पता लग जायेगा.

के उसने अपने भाई का लोढ़ा ले लिया है या नहीं अपनी वर्जिन छूट में.

जसवीर ने कहा भय मुझे तो तुम्हारी ये बाटें समझ नहीं आती .

लेकिन मुझे थोड़ी अपनी बेटी हरप्रीत की फ़िक्र हो रही है .

चूँकि अगर जैसे तुम कह रहे हो, कुलदीप ने अपना लोढ़ा दाल दिया मेरी बेटी की वर्जिन छूट में तो उसको दर्द बहुत होगा.

मुझे तो हरप्रीत के दर्द की फ़िक्र है.

निरपाल: यार तुम इतना क्यों फ़िक्र करती हो ,हरप्रीत मेरी भी तो भांजी है.

कुलदीप बहुत प्यार से मरेगा अपनी बहिन की छूट.

और अगर कोई और मरेगा हरप्रीत की वर्जिन छूट तो उसने तो बेरहमी से छोड़ कर फाड् hi देनी है हरप्रीत की छूट.

जसवीर: ये तो तुम ठीक कहते हो भय , कुलदीप वैसे भी बहुत प्यार करता है अपनी हरप्रीत बहन को.

इसलिए वह तो बहुत प्यार से डालेगा अपनी बहिन की छूट में अपना लोढ़ा.

चलो भय ,देखि जाएगी वो दोनों भाई बहन क्या करते है.

अब तुम एक बार मुझे ज़ोर से छोड़ कर मेरी रामप्यारी की प्यास बुझाओ.

तभी निरपाल चढ़ गया जसवीर के ऊपर .

और उसके फुद्दी में अपना लोढ़ा दाल कर ज़ोर से धक्के लगा कर छोड़ने लगा अपनी बहिन को.

(खिड़की के पास कुलदीप भी ज़ोर से धक्के लगाने लगा हरप्रीत की गांड की दरार में अपने बड़े लोडे के साथ और बूब्स दबाने लगा अपनी बहिन के).

जसवीर भी अपनी गांड उठा उठा कर पूरा लुंड डलवाने लगी अपने भाई का अपने





yes the fish lyrics

फुद्दी में.

दोनों ने आधा घंटा धुआं दर चुदाई की और फिर निरपाल ने, अपना सफ़ेद तरल पदार्थ रुपी प्यार दाल दिया अपनी बहिन की छूट में.

चुदाई के बाद संतुष्ट होकर दोनों भाई बहन एक दूजे की बाँहों में ा कर चूमने लगे एक दूजे को.

दूसरी तरफ कुलदीप का लुंड भी छूट गया और उसने दूसरी बार अपनी बहिन की सलवार पर अपना सफ़ेद प्यार निकल दिया.

हरप्रीत ने भी झाड़ कर अपनी पेंटी गीली कर ली.

दोनों भाई बहिन फिर एक दूजे की बाँहों में लेट gye,iss कमरे में भी.

कुलदीप ने कहा क्यों बहन सुन लिया के तुम्हारी मम्मी और मां क्या चाहते है.

वो दोनों भी चाहते है के में तुम्हारी छूट में अपना लोढ़ा दाल दू.

हरप्रीत ने उसके लोडे को हिलाते हुए kaha,yar इतने पढ़े लिखे होकर इतने गंदे शब्द क्यों उसे करते हो.

थोड़ा अच्छे शब्द उसे करो यार, चूँकि अब में सिर्फ तुम्हारी बहन hi नहीं तुम्हारी यार भी बन गयी हूँ.

मेने सुन लिया के मम्मी और मां जी क्या चाहते है.

लेकिन तुम ने अभी तक नहीं बताया के तुम क्या चाहते हो मुझ से.

तुम सिर्फ एक बहन को छोड़ना चाहते हो या मेरे आशिक बन कर अपनी माशूक की छूट मरना चाहते हो.

ये तो अब तेह है के मम्मी मां जी.

के बहार जाने के बाद तुम मेरी फुद्दी में अपना लुंड डालोगे तो जरूर.

और में जानती हूँ के मम्मी और मां जी भी यही चाहते है के तुम अज्ज तोड़ दो मेरी छूट की ⛵ सील.

लेकिन अब जब ये तेह हो hi गया है के हमने गफ & बर्फ की तरह प्यार करना है.

तो बर्फ यानि के लड़की के यार को कुछ शॉपिंग 🛍️ भी तो करवानी होती है अपनी माशूक को.

तो जब मम्मी और मां जी चले जायेंगे, तोह तुम अपनी गफ को शॉपिंग करवाने लेकर जाना .

हमको अपना फर्स्ट टाइम मिलान बहुत यादगार तरीके से करना चाहिए.

जैसे अज्ज कल चल रहा है.

कुलदीप: क्यों नहीं डार्लिंग 💋💋💋 जैसे तुम कहोगी वैसे hi करूँगा में.

हम चलेंगे घूमने और शॉपिंग करने.

लेकिन हरप्रीत डार्लिंग ये बताओ तुमको ये शॉपिंग 🛍️ बगैर करके,

फर्स्ट टाइम मिलान करने का पता ,कैसे और कब लगा.

और अगर हम ने ऐसे hi कुछ तयारी करने में,

ज्यादा समय लगा दिया और पापा & बुआ वापस ा gaye,fir.

हरप्रीत: . मुझे फर्स्ट टाइम मिलान के वारे में अपनी एक नर्स सहेली से पता लगा.

मेरी सहेली का एक बर्फ बना था जिसके साथ प्यार करके उसने अपनी छूट की सील तुड़वाई थी.

उस नर्स ने hi मुझे बताया था के कैसे उसके बर्फ ने उसको घुमा फिर कर, उन्देर्गर्मेन्ट्स की शॉपिंग करवाई .

और फिर होटल में लीजा कर मुझसे फर्स्ट टाइम मिलान करके मेरी सील तोड़ी.

मेरी सहेली ने तो मुझे भी कहा था, उसके बर्फ का लोढ़ा छूट में डलवाने के लिए.

लेकिन में इसके वारे में कुछ सोचती.

उस से पहले hi उसने एक दिन मुझे रट हुए बताया के उसका बर्फ धोकेबाज़ निकला. चूँकि उसने ब्लैकमेल करके मुझे अपने दोस्तों से भी छुड़वा दिया.

उसकी कहानी सुन ने के बाद मेने बर्फ बनाने के वारे में सोच न बंद कर दिया.

और रात मामाजी की बाटें सुन कर तुम से hi अपनी छूट की सील तुड़वाने का फैसला किया.

यार अब इतना घबरा ने की क्या बात है.

जब में तुमको अपना प्राइवेट हुब्बी बना ने को त्यार हु .

तो खुल कर छोड़ो अपनी लुगाई को .

और मुझे अच्छी तरह प्यार करके करो मुझसे अपना फर्स्ट टाइम सेक्सी मिलान.

और जैसे मामाजी अपनी बहिन को छोड़ने ा जाते है शादी के बाद भी.

तुम भी ा जाया करना मेरे ससुराल में ऐसे hi मेरी छूट मरने, हम दोनों की शादी होने के बाद भी.

और मां जी तो चाहते hi है के तुम दाल दो मेरी बुर में अपना लोढ़ा.

तो अब हमको मम्मी और मां जी से शर्माने की क्या जरुरत है.

खुलकर पति पत्नी की तरह प्यार करते है हम एक दूजे से.

अगर वह देख भी लेंगे तो क्या फर्क पड़ता है.

और मम्मी और मां जी को तो मुश्किल से मौका मिला है एन्जॉय करने का.

वह तो आराम से घूम कर hi आएंगे.

क्या पता किसी होटल में सुहागरात hi मन कर ायें.

अगर बी चांस वह , पहले ा भी गए

, तो तुम सुहाग दिन की बजाये सुहागरात मन लेना मेरे साथ.

जब हम दोनों चुदाई करने के लिए सहमत है तो फिर हम को कोई नहीं रोक सकता.

कहते है न" जब में बीवी राज़ी ,

तो क्या करेगा काज़ी."

फ्रेंड्स काइंडली लिखे रिप्लाई ंद कमैंट्स करो 🙏🙏🙏

राजी आप सब के प्यार के इंतज़ार में

तो बे कॉन्टिनोएड
 
अपडेट - 94 चंडीगढ़ का टूर-5

हरप्रीत का फर्स्ट टाइम कॉन्टिनोएड

अगले दिन सुबह जसवीर ने अपने निरपाल भय का लुंड दबाते हुए kaha,ab तुम दूसरे कमरे में जा कर त्यार हो जाओ.

बचे भी उठ कर फ्रेश होने लग गए होंगे.

निरपाल ने जसवीर को पकड़ कर अपने लुंड पर बिठा कर kaha,yar क्या जरुरत है दूसरे कमरे में जाने की .

रात 2 बार तो देख लिया दोनों बच्चों ने हम दोनों को चुदाई करते हुए.

जसवीर: यार ये तुम्हारे लोडे को क्या हो गया अब की baar,lohe की रोड जैसा सख्त हुआ पड़ा है.

और अभी तो हम ने क्यों खुलना है बच्चों के साथ.

अगर अज्ज जब हम जायेंगे ghumne,mauj मस्ती करने.

उसके बाद अगर हरप्रीत ने डलवा लिया अपने कुलदीप भय का लोढ़ा अपनी छूट में .

और मेरे पूछने पर, मुझे बता दिया हरप्रीत ने के उसने मरवा ली है अपनी फुद्दी अपने भाई से.

फिर अगर हम ओपन हो भी जाएँ उन दोनों से तो कोई बात नहीं.

तब तक उनके सामने मुझे मत पकड़ो तुम, प्लीज.

एक बार अगर उनका मिलान हो गया तो फिर अगर तुम उनके सामने hi मुझे छोड़ लो तो कोई बात नहीं.

और फिर तो अगर कुलदीप भी हमारे सामने hi दाल दे अपना लोढ़ा हरप्रीत की छूट में तो कोई बात नहीं.

तुम भी तो मेरी भाभी के सामने hi कई बार मुझे छोड़ hi देते थे बल्कि मेरी भाभी तो खुद कई बार मुझे अपने साथ लिटा कर मरवा देती थी मेरी छूट तुमसे.

निरपाल: यार मेरा लुंड तो तभी से अकड़ा पड़ा है जब से मेने हरप्रीत के गोर चित्ते और सुडोल मुम्मे देखे है.

क्यों न हम बच्चों को पूरा मौका hi दे दें चुदाई करने का.

अज्ज रात हम खुद भी किसी 5 स्टार होटल में खूबसूरत तरीके से मौज मस्ती कर लें.

एक बार बच्चों ने सुहाग रत मन ली तो क्या पता हम दोनों भी उनके साथ अदला बदली कर लिया करे.

मेरा तो बहुत मन करता है हरप्रीत के मुम्मे पकड़ ने का.

अगर सब कुछ ठीक हो गया तो तुम भी कुलदीप के नए जवान लोडे का स्वाद ले लेना.

जसवीर: यार धीरे चलो थोड़ा, तुम तो पता नहीं जल्दी में क्या क्या सोच लेते हो.

पहले बच्चों का नज़रिया जान न पड़ेगा.

एक बार अगर बच्चों ने चुदाई कर li,uske बाद तुम हरप्रीत पर हाथ फेर कर देख लेना और में कुलदीप को सडके करने की कोशिश करुँगी.

उन दोनों के रिएक्शन पर hi अग्गेय का प्रोग्राम बनेगा.

ऐसे काम में कोई जबरदस्ती करनी तो ठीक नहीं होगी न.

निरपाल: अगर में हरप्रीत पर हाथ फेरूंगा तो वह तुमको hi शिकायत करेगी.

तुम टिका देना उसको.

और ये तो में पुचका जनता हूँ के कुलदीप को तो अगर तुम ने लिफ्ट दे दी ,तो उसने फ़ौरन पकड़ लेने है तुम्हारे मुम्मे.

जसवीर: यार ये तो समय पर hi छोड़ना पड़ेगा.

अगर उसने कोई खास रियेक्ट न किया, फिर तो में समझा दूंगी हरप्रीत को.

के कोई बात नहीं, अगर भाई से छूट मरवा ली है तो ममे का लोढ़ा भी डलवा ले छूट में, तुम्हारी छूट क्या घास जाएगी.

और ये जो तुम रात होटल में बिताने की बात कर रहे ho,bachon को क्या कहेंगे इस के वारे में.

निरपाल: हम यहाँ से जाते समय तो कुछ नहीं बोलेंगे.

लेकिन एक घंटे बाद मोबाइल पर कह देंगे के हमें कोई दोस्त मिल गया hai,raat को उस के यहाँ रुक कर कल को आएंगे.

Harprit:To मम्मी और मां जी त्यार हो कर घूमने के लिए जाने लगे .

कुलदीप ने अपने पापा से कुछ पैसे मांग लिए ,ये कह कर के मुझे कुछ शॉपिंग करनी है.

निरपाल मां जी ने उसको क्रेडिट कार्ड hi पकड़ा दिया.

उसके बाद दोनों वहां से निकल ने लगे.

अज्ज मम्मी ने एक छोटा सा टॉप और जीन्स पहनी थी, जिसमे उनके आधे बूब्स और गांड की शेप स्पष्ट दिख रहे थे.

जाते हुए मम्मी ने झुक कर अपने मुम्मे कुलदीप को दिखते हुए उसको हुग कर लिया.

मां जी कौन सा काम थे उन्होंने जाते हुए मुझे हुग करके मेरे मुम्मे मसल दिए.

रस्ते में निरपाल ने जसवीर से कहा के पता है क्यों पैसे मांगे थे कुलदीप ने और क्या शॉपिंग करनी है.

जरूर कुलदीप ने हरप्रीत को फैंसी ट्रांसपेरेंट ड्रेसेस और उन्देर्गर्मेन्ट्स दिलवाने होंगे.

अज्ज कल बॉयज ऐसे hi ढेर साडी शॉपिंग करवाने के बाद hi,first टाइम छोड़ते है अपनी गफ को.

पहले उनको अच्छी सी शार्ट dress,bra और पेंटी पहनते है और फिर उनकी छूट मरते समय उतारते है.

मेने अज्ज हरप्रीत को जब हुग करके उसके मुम्मे मसाले थे तो क्या batau,mera लोढ़ा तो सख्त हो कर लोहे की रोड जैसे हो गया था.

और तुम ने भी तो अच्छे से अपने मुम्मे और गांड कुलदीप को दिखा कर हुग किया था usko'tum को केसा लगा.

जसवीर: अब कैसे कहूं ,मेने जब कुलदीप को हुग करके अपने मुम्मे मसल दिए थे उसकी छाती से तो उसके कठोर लोडे ने मेरे फुद्दी पर टक्कर मर दी थी.

ऐसा लगा के जैसे वह त्यार है अपना सख्त लुंड मेरे भोसड़े में डालने को.

मुझे तो लगता है के वह त्यार है मेरी छूट में अपना साख लुंड डालने के लिए.

तुम्हारी कामुक बातों ने मुझे भी काफी गर्म कर दिया है,

त्यार कर दिया है अपने भांजे कुलदीप से अपनी छूट मरवाने के लिए.

और तुमको केसा लगा था जब तुम ने मेरी बेटी को हुग किया था.

निरपाल: हरप्रीत ने भी मेरी छाती पर ज़ोर से रगड़ दिए थे अपने मुम्मे और अपनी छूट भी रगड़ दी थी मेरे खड़े हुए लुंड पर.

मुझे तो लगता है एक बार जब हमारे बच्चों ने सुहागरात मन ली तो वह हमारे साथ अदला बदली खुश हो कर करेंगे.

मुझे हरप्रीत की टाइट छूट में लोढ़ा डालने का और तुम को कुलदीप का सख्त जवान लोढ़ा अपने फुद्दी में लेने का मौका मिल जायेगा.

ऐसा मुझे इसलिए लगता है चूँकि हरप्रीत बहुत गर्म हो गयी लगती है.

तभी उसने अच्छे से रगड़ दी थी अपनी छूट मेरे लुंड पर जब मेरे लोडे से उसकी छूट का मिलाप हुआ था हुग करते समय.

मुझे तो लगता है थोड़ी झिझक के साथ वह आराम से डलवा लेगी मेरा लुंड अपनी फुद्दी में, तुम क्या कहती हो.

जसवीर: यार अब में क्या kahu,mera तो खुद का मन विचलित कर दिया है तुम ने.

अब तो मेरा भी दिल करने लगा है अपने भांजे कुलदीप का लोढ़ा अपने फुद्दी में लेने का.

में तो कहती हु कुलदीप मर लेगा मेरी हरप्रीत बेटी की छूट जल्दी hi, हम घर पर hi चलते है रात को.

अब जब कुलदीप ने मुझे मसल दिया है और हरप्रीत पर तुम ने हाथ फेर दिया hai,fir दोनों बच्चों ने अब हम से क्या शर्माना है.

अगर दिन में न मरी होगी कुलदीप ने मेरी बेटी की छूट तो रात को पुचका मन लेगा वह अपनी बहिन के साथ सुहागरात.

बल्कि क्या पता दोनों हम से भी थोड़ी मस्ती कर लें डिनर के समय.

हम डिनर यहाँ घूमने के बाद,

वापस आते हुए बाजार से hi पैक करवा कर ले जायेंगे घर.

तुम थोड़ा हाथ फेर कर देख लेना हरप्रीत पर, और अगर वह चुप रही तो पकड़ कर बिठा लेना उसको अपनी गोद में अपने खड़े लोडे पर.

और अगर सब ठीक रहा तो में कुलदीप की गोद में बेथ जाउंगी उसके लुंड पर.

अगर हम सब इतनी मस्ती कर लेंगे डिनर पर ,फिर सुबह थोड़ा और अग्गे बढ़ जायेंगे.

में सुबह उठ कर हरप्रीत के साथ लेट जाउंगी और उस से कुलदीप के साथ चुदाई की बाटें करते करते.

उस पर हाथ फेर कर उसको अदला बदली के लिए मानाने की कोशिश करुँगी.

हो सकता है कल रात को तुम हरप्रीत की छूट मर लो और में कुलदीप का लुंड ले लू अपने भोसड़े में.

निरपाल: यार मन तो बहुत करता hai,chalo डिनर के समय तक हम घूमते hai,tab देखेंगे के जैसा हम ने सोचा है वैसा होता है यह नहीं.

दूसरी तरफ हरप्रीत ने कहा में त्यार होती हु नाहा धो कर और मेक उप बगैर करके आती हु. तुम भी त्यार हो jao,fir हम चलते है बाजार घूमने.

कुलदीप: अगर हम थोड़ा जल्दी करे , कही वह लोग वापस न ा जाये.

हरप्रीत: अब क्यों डरते हो यार तुम unse,mard हो कर.

मुझे तो लगता है मामाजी मुझे छोड़ना चाहते है और मेरी मम्मी तुम से छोड़ना चाहती है.

देखा नहीं कैसे मेरे मुम्मे दबा कर अपना खड़ा लुंड मेरी छूट पर रगड़ रहे थे मामाजी जाते समय.

और मेरी मम्मी तुम्हारे साथ चिपक गयी थी.

मुझे तो लगता है दोनों हमारे साथ अदला बदली करना चाहते है.

अब उनसे डरने की कोई जरुरत नहीं.

में रात को अच्छी तरह मेक उप करके तुम्हारी दुल्हन बांके मनाऊंगी सुहागरात तुम्हारे साथ उनके सामने hi.

देख लेना कल को मम्मी तुम से छूट मरवायेगी और में मामाजी से सम्भोग करुँगी.

उस के बाद हमारा रास्ता साफ हो जायेगा.

तुम जब मर्ज़ी मेरी छूट मर लिए करना कही भी घर में.

और में जब मर्ज़ी तुम्हारे नीचे लेट जॉन और जब मर्ज़ी मामाजी के नीचे.

अब तो ये बात बिलकुल साफ हो गई लगती hai,fir अब शर्माना केसा.

कुलदीप: वह तो ठीक है लेकिन तुम को मेरे पापा से छुड़वाने में कोई प्रॉब्लम तो नहीं है.

हरप्रीत: जब मम्मी को तुम्हारा लोढ़ा अपने फुद्दी में लेने में कोई प्रॉब्लम नहीं.

तो मुझे मामाजी का लोढ़ा अपनी छूट में डलवाने में क्यों दिक्कत होगी.

बस मेरी फुद्दी पर पहला हक़ मेरे भाई का hi होगा , मतलब मेरी सील तुम hi तोड़ोगे जैसे मेरी मम्मी की सील उसके भाई मतलब तुम्हारे पापा ने तोड़ी थी.

बाद में तो मम्मी को मेरे पापा ने भी बहुत छोड़ा होगा.

मेरी छूट पर पहला हक़ तुम्हारा होगा बाद में तुम जिसकी मर्ज़ी छूट मारो और में जिसका मर्ज़ी डंडा डलवा लू अपनी छूट में.

कुलदीप ने हरप्रीत को अच्छी तरह चुम कर अपनी सहमति दे दी हरप्रीत को और दोनों घूमने के लिए त्यार होने लगे.

जब हरप्रीत त्यार हो कर आयी तो वह बहुत सेक्सी लग रही थी.

उसने मेक उप करके, एक छोटा सा टॉप और स्कर्ट पहना था.

उसके आधे मुम्मे टॉप के बहार थे और उसकी जंघे और गांड भी दिख रही थी शार्ट ड्रेस में.

कुलदीप ने हुग करके चुम लिया उसको , हरप्रीत ने भी उसके चुम्बन का जवाब देते हुए उसका अकड़ा हुआ लुंड दबा दिए.

दोनों शॉपिंग के लिए मॉल में पहुँच गए.

सलेसगिरल से एक छोटी सी ट्रांसपेरेंट मैक्सी ,ब्रा और पेंटी खरीद कर गिफ्ट 🎁🧧 करदी कुलदीप ने अपनी बहिन को.

सलेसगिरल ने हरप्रीत को कहा मम अपने हुब्बी को साथ लेकर साइज बगैर केबिन में जा कर चेक करलो.

अपने हुब्बी को दिखा दो के तुम कितनी प्रीटी लगती हो अपनी नई ड्रेस में और साथ में आंख मर दी.

दोनों भाई बहिन केबिन में पहुँच गए.

हरप्रीत ने कहा उस लड़की ने तुझे मेरा हुब्बी बोल दिए था.

कुलदीप ने कहा अब में तुम्हारा हुब्बी hi हु और हमेशा रहूँगा, तुम्हारी शादी किसी और के साथ होने के बाद भी.

तुम्हारी शादी के बाद में भी जीजाजी की तरह तुम्हारे खेत में हल चलता रहूँगा.

लेकिन तुम्हारे खेत में पहली बार तो हल अज्ज में hi चलूँगा.

ऐसा बोल कर वह हरप्रीत को पकड़ कर चूमने laga,uske मुम्मे दबाने लगा.

हरप्रीत भी उसको भरपूर प्यार देने लगी.

कुलदीप ने उसकी नई ब्रा उतर कर, बहुत जो से मुम्मे दबाये अपनी बहिन के और उसकी छूट मसल ने लगा.

उसने अपनी बहिन का हाथ पकड़ कर अपने लोडे पर रख दिया.

हरप्रीत भी अपने भाई के लोडे

को दबाने लगी, मुठ मरने लगी और उसके सुपर को एक भरपूर किश करके बोली .

भय बस अब केबिन में इतना प्यार बहुत है .

अब तुम कहीं और लीजा कर प्यार करो अपनी बहिन से, यहाँ और भी कस्टमर्स ने आना होगा.

कुलदीप ने अपनी बहिन की गांड पर हाथ फेर कर कहा ठीक है बहन.

हम किसी सिनेमा हॉल में चल कर इंट्रो करते है एक दूसरे के गुप्तांगों से.

फाइनली तुम्हारी छूट का रात को उद्घाटन करने से पहले.

हरप्रीत ने कहा भय वो तो मुझे पता है अज्ज तो तुम ने मेरी छूट की सील तोड़नी hi है.

और तो और मुझे तो लगता है, जब तुम मेरे खेत में फर्स्ट टाइम हल चला लोगे.

उसके बाद मां जी भी अपना पानी दे hi देंगे मेरे खेत में.

और तुम मेरी मम्मी के फुद्दी में भी अपना हल चला कर hi मानोगे.

हरप्रीत 👇की ज़ुबानी:





ऐसे बाटें करते हुए हम दोनों भाई बहन सिनेमा हॉल में पहुँच गए.

हॉल तक़रीबन खली hi पड़ा था.

हम दोनों कोने वाली सीट्स पर बेथ गए.

जब पिक्चर 🖼️ शुरू हुई और लाइट्स बंद हुई तो कुलदीप ने मेरे शोल्डर से ऊपर अपनी एआरएम लीजा कर मेरा मुम्मा पकड़ लिया.

मुझे नजदीक करके मेरी गर्दन चूमने लगा, मुझे बहुत अच्छा लग रहा था.

धीरे धीरे उसने मुझे 💋💋





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💋 किसिंग शुरू कर दी, मेने भी किसिंग में उसका अच्छे से साथ दिए.

उसने अपना हाथ पीछे लीजा कर और मेरा टॉप ऊपर करके मेरी ब्रा का हुक खोल दिया.

ब्रा खुलने से मेरे मुम्मे उछाल कर बहार ा गए जिनको राजा ज़ोर से दबाने लगा.

मेरी ब्रैस्ट की निप्पल्स को दबाने और चाटने लगा.

में भी अपने बूब्स की निप्पल्स

को अच्छे से प्यार





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करवाने लगी उस से .

मुझे बहुत स्वाद आने laga,me चाहती थी के राजा मेरी गीली हो रही छूट से भी प्यार करे लेकिन मेने खुद से कुछ नहीं कहा राजे से.

थोड़ी देर बाद उसने हाथ नीचे लीजा कर ,मेरी पेंटी नीचे कर दी और मेरी गीली





छूट को दबाने लगा.

में बहुत गर्म हो कर सिस्किअ लेने लगी cccccçccccc उफ्फ्फफ्फ्फ़ रजिएए कुलदीपपपपपप.

मेरा दिल करने लगा राजे के लोडे से प्यार करने ka,lekin में बोली नहीं.

थोड़ी देर बाद राजे ने मेरा हाथ पकड़ कर अपने लुंड पर





रख दिया और में अपने भाई के लोडे के सुपर पर हाथ फेर ने लगी.

मुझे बहुत अच्छा लगा राजे का लोढ़ा हाथ में लेकर.

में लुंड को दबाने लगी उसकी मुठ मरने लगी.

राजा भी मेरी छूट ज़ोर से दबाने लगा.





कभी कभी अपनी फिंगर भी दाल देता था मेरी फुद्दी में.

मेने कहा राजे तुम तो मेरे अंगों से कितनी देर से प्यार कर रहे थे लेकिन तुम ने मुझे अपना लुंड इतनी देर बाद पकड़या.

मुझे भी तो कुछ खेलने के लिए देते ,खुद तो तुम कब से मेरी छूट और मुम्मो से प्यार कर रहे हो.

कुलदीप ने कहा बहना अगर तुम्हारा दिल कर रहा था लुंड पकड़ ने का तो बोल देती.

मेने कहा बहने कहाँ बोलती है यह तो भाई को hi ख्याल रखना चाहिए.

उसको सोचना चाहिए के वह तो बहन के शरीर के अंगों से खेल रहा है .

बहिन को भी पकड़ा देना था अपना लोढ़ा उसके खेलने के लिए.

बहन को अपने आप, अपने भय का लुंड पकड़ ने में झिझक होती है.

कुलदीप ने कहा, बहना मुझे भी अभी तो अपनी प्यारी बेहेन से झिझक है hi.

धीरे धीरे हम दोनों की झिझक दूर होगी.

अब मेने अपने भाई का लोढ़ा ज़ोर से हिलना शुरू कर दिया और भय मेरी छूट से बहुत शिद्दत से खेलने लगा.

भय के ज़ोर से मसलने से में फिर सिसकारियां लेने लगी cccccçccccc उफ्फ्फफ्फ्फ़ ीीे ममममममम आआआआआ रजिएए उफ्फफ्फ्फ़. भ्याआआआ खा जाओ अपनी बहिन की छूट.

और ऐसे करते हुए मेरी छूट ने बेतहाशा छूट रास निकल दिया.

और राजे के लुंड ने भी छूट कर अपने वाइट लुंड रास से मेरा हाथ भर दिया.

दोनों के रास निकल ने के बाद हम तृप्त हो गए.

फिर हम ने अपनी ड्रेस ठीक कर्ली और दोनों सिनेमा हॉल से बहार ा गए.

पिक्चर देख कर घर पहुंचे तो देखा के मम्मी और मां जी भी अभी वापस ए थे घूम कर.

फ्रेंड्स काइंडली लिखे रिप्लाई ंद कमैंट्स करो 🙏🙏🙏

राजी आपके प्यार के इंतज़ार में

तो बे कॉन्टिनोएड
 
अपडेट - 95 चंडीगढ़ का टूर-6 हरप्रीत का फर्स्ट टाइम कंटीन्यूइंग

हम सभी 4 लोग घर में तक़रीबन एक साथ पहुंचे.

हरप्रीत की ज़ुबानी:

मेने देखा मेरी जसवीर मम्मी ने मेरे जैसी hi रेवेलिंग ड्रेस पहनी हुई थी, जिसमे उनका सामान साफ दिख रहा था.

जैसे मेरे उभर और नितम्ब मेरी ड्रेस में उजागर हो रहे थे वैसे hi मेरी मम्मी के भी दिख रहे थे.

हम माँ बेटी तक़रीबन एक जैसी hi मॉल लग रही थी.

दोनों को देख कर किसी का भी इमां दोल सकता था और वह हम से चिपकने की तमन्ना कर सकता था.

मुझे देख कर निरपाल मां जी ने कहा कितनी खूबसूरत लग रही हो हरप्रीत तुम और बहाने से मेरे सामान पर हाथ फेर दिया.

और मम्मी ने अपने भांजे कुलदीप को हुग करके उसको अच्छे से छू कर कहा कितने स्मार्ट लग रहे हो तुम कुलदीप.

न hi मुझे पकड़ ते समय मां जी ने बेटी कहा जैसा वह पहले कहते थे और न hi अपने भतीजे को हुग करते समय मम्मी ने उसको बीटा कहा.

जसवीर मम्मी जो खाना बाजार से लेकर आयी thi,usne खाना डाइनिंग टेबल पर सर्वे कर दिया.

और कुलदीप को अपने साथ बिठा लिया और में मामाजी के साथ टेबल पर बेथ गई.

हम चरों डिनर करने लगे.

जसवीर मम्मी ने कुलदीप को अपने उभर बहाने से दिखते हुए पूछा कहा घुमा कर लाये हो हरप्रीत को.

मुझे तो कभी घूमने नहीं लेकर गए.

कुलदीप ने भी अपनी बुआ की जांघ मसल कर कहा.

अज्ज तुम अपने भय के साथ घूमने गयी थी और में अपनी बहन के साथ.

कल तुम मेरे साथ चलना और हरप्रीत तुम्हारे भाई के साथ चली जाएगी घूम ने.

अगर तुम दोनों को इतना hi प्यार ा रहा है हम दोनों पर.

दोनों बुआ भतीजे एक दूजे के गुप्तांगों को सहलाते हुए ऐसी hi उत्तेजिक बाटें कर रहे थे.

निरपाल मां जी कौन सा काम थे उन्होंने मेरी जांघ पर हाथ फेरते हुए कहा,

कितनी स्मार्ट लगने लगी हो तुम अज्ज कल.

कहाँ घुमा लायी अपने भय को.

मेने कहा जैसे तुम भाई बहिन घूमने गए थे वैसे hi हम भी मस्ती कर रहे थे.

तुम बताओ अपनी बहिन को कहाँ की सैर करवाई तुमने, मुझे तो नहीं करवाई सैर कभी तुमने जी.

मामाजी ने कहा आज तुम्हारी मम्मी को सैर करवाई है कल तुम चलना मेरे साथ, पता लग जायेगा घूम ने वाली जगह का भी.

मुझ पर हाथ फेरते हुए निरपाल मां जी ने कहा.

मेने कहा क्यों नहीं अगर मम्मी कुलदीप के साथ सैर कर सकती है,

तो में भी तुम्हारे साथ घूम hi सकती हु.

मम्मी ने कहा ठीक है यार ऐसे hi कर लेंगे पहले तुम भाई बहिन ,

अज्ज रात अच्छे से प्यार करके अपनी झिजक मिटा लो.

मेने कहा ठीक है मम्मी हम भाई बहन जब झिझक मिटायेंगे तो तुम खिड़की से मत देखना.

इस पर मां जी बोले जब तुम दोनों भाई बहन ने हमारा प्यार खिड़की से देखा था.

तब हम ने तो नहीं रोका था तुम दोनों को हमारा प्यार देखने se,fir तुम क्यों रोक रही हो हमको.

जसवीर मम्मी ने कहा कोई संकोच करने की बात नहीं अज्ज रात तुम भाई बहिन खुल कर प्यार करो एक दूजे को.

हम से शर्माने की अब कोई जरुरत नहीं.

कुलदीप ने अपनी बुआ की जांघ पर हाथ फेरते हुए कहा.

यार तुम दोनों भाई बहन इतना सीओ ऑपरेटिव हो तो हमको क्या समस्या है.

में तो कल अपनी बुआ से प्यार करते हुए भी नहीं शर्माऊँगा अगर बुआ को तकलीफ नहीं होगी तो.

जसवीर मम्मी बोली मुझे क्यों तकलीफ होगी, मुझे तो बहुत अच्छा लगेगा अपने भतीजे से प्यार करके.

मेने निरपाल अंकल को छू ते हुए कहा और मुझे भी अपने मां जी से प्यार करने में कोई संकोच नहीं होगा.

ऐसे hi बाटें करते हुए सभी ने डिनर किया.

और सभी अपने अपने बैडरूम में जाने लगे.

जसवीर ने मुझे कहा हरप्रीत थोड़ी देर में किचन में ा कर दूध ले जाना मुझ से अपने कुलदीप भय के लिए.

डिनर के बाद हम दोनों अपने कमरे में पहुँच गए.

मेने मेकअप 💄 कर ली अच्छी तरह .

और मेरे कुलदीप भय भी त्यार हो गए मेरे साथ सुहागरात मन ने के लिए.

उन्होंने मुझे पकड़ कर, मुझसे किसिंग शुरू कर di,me भी उनको भरपूर जवाब





देने लगी ,किसिंग में उनको सहयोग देने लगी.

उन्होंने ने कहा लगता है बुआ भी बहुत गर्म हो गयी है, हम दोनों को ऐसी ड्रेस में देख कर.

मेने कहा वह तो पहले से hi गर्म थी अपने भाई के साथ घूम कर.

अब उनकी गर्मी हम दोनों को ऐसे देख कर और बढ़ गयी है.

मेने अपने भाई के लोडे को दबाते हुए कहा.

यार इतनी जल्दी क्यों करते हो तुम आराम से डालना अपना लोढ़ा अपनी बहन की वर्जिन छूट में .

अभी मुझे एक बार किचन में मम्मी से दूध लेकर आने दो .

फिर तुम को दूध पीला कर अपनी छूट मरवाउंगी तुम से , तुम दूध पीकर और ज़ोर से चुदाई कर पाओगे अपनी बहिन छुम लुगाई की.

कुलदीप ने कहा यार मुझे तुम्हारा दूध पीना है.

तुम्हारी मम्मी का दिए हुआ दूध ,कहाँ मुझे इतना सकूँ देगा जितना स्वाद तुम्हारी निप्पल्स सूचक करने पर आएगा.

मेने कहा भय तुम को में अपना दूध भी पिलाऊंगी , पहले मम्मी की बात तो सुन ायुं किचन में जा कर.

और में तो अज्ज रात तुम को अपना दूध पीला ूँगी hi अपने मुम्मो से .

और मुझे तो लगता है मेरी मम्मी भी तुमको अपना यार बना कर अपने मुम्मो का दूध पिलाएगी कल दिन में.

कुलदीप ने kaha,vo तो देखा जायेगा अगर बुआ पिलाएगी तो उसके निप्पल्स चूस कर भी, पि लूंगा में उनका दूध.

अभी तो में तुम्हारे निप्पल्स चूसने को बेकरार हु.

मेने kaha,mere भय छुम साजन,

में तो साडी रात तुम को अपने मुम्मे सूचक करवा कर, छूट में डंडा लुंगी तुम्हारा.

लेकिन अब मुझे जाने दो मम्मी के paas,kya पता कुछ खास बताना हो मुझे उन्होंने.

ऐसा bolkar,apne भय की पकड़ से छूट कर में किचन में चली आयी.

मम्मी ने पहले hi बादाम मिल्क त्यार कर रखा था .

उन्होंने दूध का गिलास मुझे पकड़ा कर कहा आराम से प्यार करना अपने कुलदीप भय se,koi जल्दबाजी मत करना.

और मुझे एक की जेली की तुबे पकड़ा कर कहा अच्छे से लगा लेना इस जेली को गुप्तांगो par,Kuldip का अंदर लेने से पहले .

मेने शरमाते हुए कहा ठीक है मम्मी जैसे तुम कहो.

जसवीर ने कहा अब तुम मुझे ज्यादा मम्मी मम्मी मत कहा करो,

अब तो तुम मेरी बहिन hi बन ने वाली हो.

मेने कहा जब तुम अपना दूध पीला डौगी अपने भतीजे को तो तुम को बहन भी कह दूंगी.

पहले तो मुझे कुलदीप भय को अज्ज तुम्हारा जमाई राजा बना न है.

अगर तुम कल को उसका ले लोगी तब तुम मेरी बहिन भी बन जाओगी.

जसवीर ने कहा में तुम्हारी बहिन तभी बनूँगी जब तुम अपने मां का और में अपने भतीजे का ले लुंगी अंदर.

तब तक ,ठीक है तुम मुझे अज्ज रात कुलदीप की सास hi बना do,uska लेकर अपने अंदर.

में मम्मी से दूध का गिलास और की जेली लेकर, किचन से बहार आती हुई ने कहा ,ठीक है जैसे मेरे कुलदीप भय की सास कहे.

अब में जाती हु कुलदीप के पास उसको तुम्हारा जमाई बनाने के लिए.

जसवीर मम्मी ने मेरे चूतड़ों पर हाथ फेर ते हुए kaha,best ऑफ़ लक.

लेकिन खिड़की बंद मत करना ,चूँकि हो सकता है जैसे तुम ने मेरा और मेरे भाई का प्यार देखा tha.Hum भी देख ले तुम्हारा और तुम्हारे भय का मिलान.

मेने कहा यार जसवीर 👇 ठीक है,





मम्मी अगर जाने डौगी, तभी तो में कुछ कर पाऊँगी

और तुम भाई बहिन देख पाओगे अपनी बेटी हरप्रीत 👇 को अपने कुलदीप भय





का लुंड छूट में फर्स्ट टाइम डलवाते हुए.

ऐसा बोलकर मेने कुलदीप भय के पास बैडरूम में ा कर उसको मिल्क बादाम का गिलास पकड़ा दिया.





ये बोलकर के ये दूध तुम्हारी होने वाली सास ने भेजा है.

कुलदीप ने मुझे दूध पीकर पकड़ लिया और मुझे मसल ने लगे.

मेरे मुम्मे दबाने लगे , 💋💋💋 किस्सेस करने लगे.

में भी अपने भय का पूरा साथ देने लगी.

मुम्मे उसके मुँह में दाल कर प्यार से चुसवाने लगी कुलदीप से.

मेने कहा मम्मी का भेजा हुआ दूध तो पि लिया है तुम ने.

अब अपनी बहिन छुम लुगाई के निप्पल्स चूस कर भी निकल लो दूध अगर निकल सकते हो तो.

कुलदीप ने कहा वैसे जसवीर का भेजा हुआ दूध भी स्वाद था.

लेकिन तुम्हारी ब्रेअस्ट्स के निप्पल्स को





सूचक करके ज्यादा मज़ा ा रहा कुलदीप भय बहुत शिद्दत से चूसने लगे मेरे मुम्मे, कभी राइट निप्पल चूसते कभी लेफ्ट.

और मुझे एक और फवौर चाहिए अपनी बहिन से.

जैसे तुम को दूध देकर भेजा है अज्ज तुम्हारी मम्मी ने मुझसे छूट मरवाने के लिए.

ऐसे hi कल 2 गिलास दूध के त्यार karna,ek गिलास लेकर तुम्हारी मम्मी मेरे पास ा जाएगी अपना भोसड़ा मरवाने.

और दूसरा गिलास तुम लेकर अपने निरपाल मां के पास चली जाना ,अपने फुद्दी में उनका लुंड डलवाने के लिए.

ठीक है मेरे भय छुम सैयां जी

अगर सब कुछ ठीक रहा तो में ऐसे hi कर लुंगी.

अब में अपने होने वाले साजन को कैसे महना कर सकती हु.

मेने और मम्मी ने तो छूट में लुंड hi डलवाना है बाप डेल या beta,bas छूट को लोढ़ा प्राप्त होना चाहिए.

लेकिन अब बातों का नहीं, सुहागरात मन ने का समय है मेरे भय छुम सईआं जी.

ऐसा सुनते hi कुलदीप ने मुझे पकड़ लिया और मुम्मे दबाने लगा. ज़ोर से





मसलने लगा, चाटने लगा काटने लगा मेरे बूब्स.

मेने कहा यार धीरे काटो मेरे मुम्मे कल को शायद तुम्हारे पापा ने भी चूसने है मेरे मुम्मे.

वो क्या सोचेंगे अगर तुम काट कर निशान दाल डोज मेरे मुम्मो पर.

कुलदीप ने कहा उन्होंने क्या सोचना है.

उन्होंने भी तो मसल कर और काट कर और निशान hi दाल देने हैं तुम्हारे गोर चित्ते





मुम्मो पर.

और अपना हाथ नीचे मेरी गीली छूट पर रखते हुए पूछा ये तुम्हारी फुद्दी इतनी गीली कैसे हुई पड़ी है.

मेने कहा जब मेरे आने पर तुमने मुझे हुग करके मेरे मुम्मे मसल दिए थे.

मेरी रामप्यारी तो तभी से गीली होनी शुरू हो गयी थी.

और तुम्हारे लोडे ने भी तकर मर दी थी मेरी छूट पर.

उसके बाद तुम्हारे पापा ने भी मसल दिया था मुझे.

मेरी मम्मी ने भी मेरी गांड पर हाथ फेर दिया था मुझे दूध देकर तुम्हारे पास भेजने से पहले

और बहुत कामुक बाटें की मुझसे.

तभी से पानी निकल रहा है मेरी छूट से तो.

तुमने पहले भी मुझे कई बार हुग किया था लेकिन तब कभी मेरे मुम्मे नहीं मसाले थे तुमने.

फिर अब क्यों दबा दिए the,aisa क्या हो गया tha,dar नहीं लगा तुम मुझसे.

पहले कभी मेरी छूट पर भी ठुमका नहीं लगाया था तुम्हारे लोडे ने.

कुलदीप ने कहा जब तुम हाई हील्स 👠

संदल में आयी तो तुम्हारे गोर चित्ते मुम्मे और भी ज्यादा उजागर हो गए थे. और मुझसे रहा नहीं गया इसीलिए रिस्क लेकर मसल दिए थे तुम्हारे बूब्स.

तुम हाई हील्स में ऐसे देख कर hi मेरे लुंड ने खड़े होकर मिलान कर लिया था तुम्हारी गुलाबो से.

तुम लग hi इतनी हॉट रही थी.

के मुझे हैरानी हो रही है के रस्ते में क्यों नहीं किसी ने तुमको पकड़ कर तुम्हारी छूट मर ली.

मेने कहा भय मेरी हाई हील्स 👠 संदल से दर लगता है सब को.

चूँकि मेरी सहमति से तो तुम जैसा कोई मेरे हाई हील्स सैंडल्स समेत मेरी टंगे उठा कर मेरी छूट में अपना घोडा दाल सकता है.

लेकिन अगर कोई सहमति के बगैर मुझे छू भी ले ,तो यही हाई हील्स वाले सैंडल्स से उसकी पिटाई भी कर देती में.

और ऐसे कैसे कोई और दाल देता अपना लोढ़ा मेरी वर्जिन छूट में चूँकि इसकी सील तो तुम ने hi तोड़नी थी.

मेरे मुम्मे मसलने के बाद कुलदीप





मेरे पेट को चूमने लगा और धीरे धीरे नीचे ा कर मेरी वर्जिन छूट को किश करने लगा,

जीभ अंदर दाल कर चाटने लगा मेरी





फुद्दी को. में बहुत गर्म होकर सिसकने लगी हीइइइइइइइ cccccçccccc उफ्फ्फफ्फ्फ़ ीीे ऊऊफफफफ अअअअअअअ मममममम कुलदीपपपपपपपपप चाट लो अपनी बहन की छूट भय ,बहुत स्वाद ा रहा है तुम्हारी बहन को .हीइइइइइइइ cccccçccccc ccccccccccccc Ufffffffffffffffffffffffffffffffffff ममममममम rajeeeeeeeeeeeee mmmmmmmmmmmma, और ऐसे करते हुए मेरी छूट से बेतहाशा पानी निकला जिसको फ़ौरन मेरे भाई ने धकार लिया.

तभी मेने अपने भय का लोढ़ा बाहर निकल लिया और उसके लुंड से प्यार करने लगी ,चूमने चाटने लगी उसका loda.Muh में





लेकर सूचक करने लगी.

भय ने भी लोडे के धक्के लगा कर मेरा मुँह छोड़ना शुरू कर दिया.

और मुझे लेटने का इशारा kiya,jab में लेट गयी तो उसने मम्मी की दी हुई लुबे मेरी छूट पर और अपने मुस्सल पर लगा ली. अपने लोडे को मेरी फुद्दी के छेड़ पर रख कर मेरी तरफ देखा.

मेरी है मिलते hi उसने एक हल्का सा धक्का मर कर लोढ़ा





मेरी छूट में दाल दिया.

दर्द के चलते मेरी चीख निकल गयी जो मेरी मम्मी और मां ने भी सुनली जैसा मुझे उन्होंने बाद में बताया.

चीख सुनकर भय ने मेरी और देखा ,मेने कहा भय दाल दो अब अपना लोढ़ा और बेरहमी से छोड़ो अपनी बहन को .

एक बार तो दर्द होना hi है सील टूट ते समय.

तो कुलदीप भय ने अपने होंठ मेरे होंठो से जोड़ कर ज़ोर से धक्का मारा.

और उसका पूरा मुस्सल मेरी सील तोड़ता हुआ





मेरी छूट में घुस गया.

.मुझे लगा जैसे कोई लोहे की गरम रोड मेरी छूट में घुस गयी है.

लेकिन मेरी चीख की आवाज़ बाहर नहीं निकली चूँकि भय ने शॉट मरने से पहले अपने होंठो से मेरा मुँह बंद कर रखा था अपने होंटो से.

.थोड़ी देर बाद मेरा दर्द काम हो गया तो मेने गांड हिला कर अपने भाई को धक्के लगाने का सिग्नल दे दिए.

भय बहुत ज़ोर से धक्के लगा कर मरने लगे मेरी अभी अभी फटी फुद्दी को.





मुझे बहुत स्वाद आने laga,itna स्वाद ज़िन्दगी में मुझे कभी भी नहीं आया था.

और में बहुत ज़ोर से गांड हिला कर अपनी फटी छूट में डलवाने लगी अपने कुलदीप भय का लोढ़ा.

फिर भय ने मुझे घोड़ी बन ने का इशारा किया और मेरे घोड़ी बन ने पर अपना लुंड





meri fuddi mein dalkar jabardast chudai shuru kar di meri.

25 mint ki tabadtod chudai karne ke baad, bhya ne apna pyar safed taral padarath ke roop mein meri chut mein chhod dia.

Me to ab tak kai baar jhad chuki thi.

Me apne bhya se first time chudne ke baad uski bahon mein let kar chumne lagi unko

Santusht ho kar hum donon bhai behn kuchh der ek duje ki bahon mein let gye. Kuldip bhya ne mujhe puchha kyon behn maza aya tum ko pehli bar apni chut mein apne bhai ka loda dalva kar.

Mene kaha bhya tumari behn ko tum se first time chud kar asim anand ki prapti hui hai.

Tumne apni behan ko chod kar usko maze ke satven aasaman par pahuncha diya hai.

Mere si milan par ,

meri saheli Dr Raji ki ek friend/sis Arushi ne neeche wali poem likhi hai,padh kar dekho 👇

Poem added by my lovely friend Arushi Dayal 👇poems Harprit bol rahi hai:

मजा मिलता है तब चुदाई में

जब एक एक बूंद गिरे गहराई में

मसल मसल के चुची हो जाए लाल

कस के धक्के लगे, पूरा अंदर डiल

साजन की पिचकारी है बड़ी खास

सर्दी में भी करवiती hai गर्मी का एहसास

गुलाब के फूलो की सेज सजी है

जिसपर पूरी रात मेरी खूब बजी है

बिस्तर की सिलवटे कह रही है कहानी

चादर पे है पहली मुलाकात की निशानी

मसले हुए फूल दे रहे मेरी गवाही

पूरी रात बिस्तर पे मची है ताबाही

सुबह तक जो वस्त्र मुझे संवार रहे थे

रात को कोने पे पड़े मुझे निहार रहे थे

खिलखिल सी गई है मेरी fulwadi

जब से लगा है usme साजन का पानी

Mujhe 💯 percent complete swad aya aur isike sath ye update bhi 💯 percent complete hoti hai.

Friends kindly like reply nd comments kro 🙏🙏🙏

Rajizexy waiting for ur love

To be continued
 
अपडेट - 96 चंडीगढ़ का टूर-7 हरप्रीत का काम्य से लेस्बियन प्यार:

रात को अपनी बेटी हरप्रीत को अपने भतीजे से सुहागरात मन कर ,अपनी सील तुड़वाते हुए खिड़की से जसवीर 👇ने





देख लिया था.

वह हैरान थी यह देख कर के उसके भतीजे का औज़ार एक पिस्टन की भांति उसकी बेटी की वर्जिन छूट के छेड़ में चल रहा था.

िह्न दोनों की सुहागरात देखने के बाद उसने भी अपने भाई निरपाल से अपनी छूट मरवाई थी.


लकिन जैसे उसके भतीजे का औज़ार उसकी बेटी की ठुकाई कर रहा था ऐसी ठुकाई उसका भाई नहीं कर सका था उसकी.

वह सोचने लगी के जवान लड़का जितनी शिद्दत से ठुकाई करता है वैसी ठुकाई मेरा भाई कैसे कर सकता है.

उसने सोचा चाहे जो भी हो वह अज्ज अपने फुद्दी में अपने भतीजे का लोढ़ा जरूर डलवाये गई.

ऐसे सोच कर उसके फुद्दी से बेतहाशा पानी निकल ने लगा.

उसने देखा उसका भाई निरपाल जिसने रात उसकी चुदाई की थी वह अब तोह घोड़े बेचकर सो रहा था.

फिर उस से रहा नहीं गया और वह अपनी बेटी हरप्रीत के कमरे में चली गयी.

हरप्रीत के कमरे में जाने से पहले एक बार उसको ख्याल भी आया था के पता नहीं कैसे नंगे पड़े होंगे उसकी बेटी और भतीजा.

लकिन उसने कहा अब कहे की शर्म में तो खुद लेना चाहती हूँ अपने भतीजे का लोढ़ा अपनी छूट में .

और हरप्रीत ने भी डलवाना hi है अपनी रिसेंटली फटी छूट में अपने ममे का लोढ़ा, तो अब शर्म किसी.

हरप्रीत के कमरे में जा कर उसने देखा के हरप्रीत सो रही थी और कुलदीप बाथरूम में गया हुआ था.

वह अपनी बेटी के साथ जफ्फी दाल कर उसके मुम्मे पकड़ कर लेट गई.

हरप्रीत ने जागते हुए अपनी मम्मी को चुम कर पूछा क्यों अब मुझे पकड़ लिया ा कर.


क्या रात मां जी का डंडा लिया नहीं तुम ने अपने फुद्दी में.

जसवीर ने कहा बेटी तुम्हारे मां का तो लिया था मेने रात अपनी छूट में लेकिन अब अपने भतीजे का डलवाना चाहती हु.

रात जब कुलदीप ने डाला था अपना लोढ़ा तेरी वर्जिन फुद्दी में तब मुझे उसका लुंड बहुत प्यारा लगा था.

मेरा बहुत मन कर रहा है अब अपने भतीजे के प्यारे लोडे को अपनी छूट में लेने का.

वैसे रात मेरे भतीजे ने प्यार से मरी थी तुम्हारी छूट.

कोई तकलीफ तो नहीं हुई तुम को उसका लोढ़ा पहली बार लेने में अपनी वर्जिन छूट में.

हरप्रीत ने कहा मम्मी एक बार सील टूट ते समय तो मुझे बहुत दर्द हुआ था, तुम ने भी सुनी होगी मेरी चीख .

लेकिन बाद में मुझे चुद कर असीम सुख की प्राप्ति हुई.

अभी सुबह hi क्यों तुम इतनी गर्म हो रही हो mummy,din में आराम से प्यार कर लेना अपने भतीजे छुम जमाई से.

और बन जाना मेरी बहिन मेरे भाई छुम साजन का लोढ़ा अपने फुद्दी में डलवा कर.

जसवीर ने कहा बेटी छूट तो में आराम से hi मरवा लुंगी अपने भतीजे से.


लेकिन में अपने भतीजे से थोड़ी इंट्रो करके अपनी गीली हो रही रामप्यारी को टिकना चाहती हूँ तब तक.

और में तो कहती हु तुम भी थोड़ी इंट्रो करलो अपने मां जी से तुम ने भी तो डलवाना hi है उनका लोढ़ा अपनी फटी हुई छूट में.

हरप्रीत ने kaha,mummy अभी मेरी फटी हुई छूट में दर्द हो रहा है .

तो में इंट्रो तो नहीं कर पाऊँगी अपने मामाजी से.

है शाम को सीधा hi डलवा लुंगी में अपने ममे का लोढ़ा अपने फुद्दी में .

चूँकि तब तक मेरी छूट का दर्द ठीक हो जायेगा.

तुम ऐसा करो के किचन में जा कर चाय बनाओ ,में वहीँ भेज दूंगी तुम्हारे भतीजे को .


वहीँ इंट्रो कर लेना तुम बुआ भतीजा एक दूजे के sath,masal लेना एक दूजे को किचन में hi.

स्टोरी अब बैकलैश (पास्ट) से निकल कर, प्रेजेंट में आती हुई.

ऐसे अपने फर्स्ट टाइम की कहानी हरप्रीत ने माहि की बहिन काम्य को सुना कर पूछा. क्यों केसा लगा तुमको डिअर काम्य मेरा फर्स्ट टाइम छूट मरवाने का kissa,sun कर.

काम्य: यार तुम्हारे फर्स्ट टाइम की कहानी तो बहुत मादक है.

मेरी तो छूट से कई बार पानी निकल गया तुम्हारी कामुक चुदाई की बाटें सुन ते सुन ते.

मुझे तो तुम्हारा भाई कुलदीप भी बहुत प्यारा लगा तुम्हारी बाटें सुन कर.

कितने प्यार से सील तोड़ी उसने अपनी बहिन की, कितने प्यार से मरी उसने अपनी बहिन की छूट.

मेरा तो मन करने लगा है के में कुलदीप से शादी करके तुम्हारी भाभी hi बन जॉन.

फिर हम दोनों ननद भरजाई भी प्यार कर लिया करेंगे एक दूजे के शरीर से खेल कर.

तुम क्या कहती हो हरप्रीत डार्लिंग, बनोगी तुम मेरी nanad,banao गई मुझे अपनी भाभी.

हरप्रीत: तुम ने तो मेरे मुँह की बात छीन ली.

मुझे तो तुम बहुत अच्छी लगती हो.

पता नहीं तुम मेरी भाभी कब बनोगी,

बनोगी भी या नहीं.

लेकिन तुम को भाभी इमेजिन करने से hi मेरी रामप्यारी तो आंसू बहाने लगी है.

और अगर कहीं तुम सच मच मेरी भाभी बन गयी ,फिर तो पता नहीं मेरी छूट का क्या हल होगा.

मेरा तो अभी से मन करने लगा है तुम को प्यार करने का.

काम्य: यार मेरा तो खुद बुरा हल है, मेरी छूट से भी पानी तुम को ननद बनाने की बात सोच कर कुछ ज्यादा hi निकल ने लगा है.

क्या पता में तुम्हारी भाभी बन hi जॉन.

कुलदीप की एक नग्न फोटो भेज न तुम मुझे ,उसका हथियार तो देख लू में एक बार.

क्या पता उसका लोढ़ा देख कर मेरा इरादा बन जाये उसका लोढ़ा अपनी वर्जिन छूट में लेने का मतलब तुम्हारी भाभी बन ने का.

Harprit:Thik है कमी डार्लिंग भेजती हु में ,कुलदीप की नग्न पिछ तुमको.

पिछ देख कर फैसला कर लेना तुम के मेरी भाभी बन न है या नहीं.

मतलब लेना है मेरे भाई का सांप अपने बिल में या nahi.Pic👇





काम्य: यार वो तो में कर लुंगी faisla,jab हम घूम ने जायेंगे कहीं हिल स्टेशन पर.

वहीँ बात कर लेंगे इसके वारे में.

और अब तुम्हारा भाई क्या करता है ,उसकी क्वालिफिकेशन क्या है.

में बात कर लुंगी अपने भय भाभी से भी, अगर वह सभी मन जायेंगे तो में बन जाउंगी तुम्हारी भाभी.

वैसे मुझे पिछ पसंद है कुलदीप की और उसका हथियार भी.

एकदम परफेक्ट बॉडी के साथ साथ ,उसके लोडे में भी डैम लगता है.

लेकिन ये बताना के उसके विचार कैसे है , मतलब वह अगर किसी और की छूट में अपना लुंड दाल दे.

जैसे तुम्हारी या किसी और की फुद्दी में, तो मुझे कोई इतराज़ नहीं.

क्या उसके भी ऐसे hi विचार हैं मतलब अगर में किसी और से अपनी छूट मरवा लूँ.

जैसे अपने भाई माहि से तो उसको कोई इतराज़ तो नहीं.

Harprit:Mere कुलदीप भय ने बी टेक की हुई है बहुत अच्छे मार्क्स लेकर.

अभी नौकरी की तलाश कर रहा है.

वैसे उसके पास पैसे की कोई कमी नहीं है, बहुत ज्यादा जायदाद है उसके पास.

और वह बहुत खुले विचारों वाला बाँदा है.

जिस दिन उसने मेरी सील तोड़ी थी मतलब पहली बार डाला था अपना लोढ़ा मेरी वर्जिन छूट में.

उसी दिन उसने मुझे अपने पापा यानि के मेरे मां से छुड़वा दिया था.

और खुद अपनी बुआ यानि के मेरी मम्मी की छूट मर ली थी.

काम्य: अगर सब ठीक रहा तो में कुलदीप को अपनी सिटी में नौकरी भी दिलवा सकती हु सिमसोसिस कंपनी में .

हम सब भी इसी कंपनी में काम करते है.

माहि तो मैनेजर की पोस्ट पर है.

लेकिन में सब से बात करके और तुम्हारे कुलदीप भय के खुले विचारों के वारे में जान कर hi कोई फैसला करुँगी.

लेकिन तब तक तुम ,एक बार फिर अपने फर्स्ट टाइम मिलान की कहानी पूरी सुनाओ मुझे.

रात में तुम ने अपनी छूट का उद्घाटन तो करवा लिया था कुलदीप से.

लेकिन अगले दिन तुम ने और तुम्हारी मम्मी ने कैसे अदला बदली की कुलदीप और निरपाल मां के sath,us किस्से को कम्पलीट सुनाओ प्लीज.

हरप्रीत: यार वो तो सब बता दूंगी में तुमको, लेकिन अब मेरी रामप्यारी का क्या करूँ.

जब से मेने तुमको भाभी के रूप में इमेजिन किया है, मेरी छूट का बुरा हल हो गया है.

बहुत आंसू वह रही है एक ननद की फुद्दी एक भाभी के हाथ से अपनी मालिश करवाने के लिए.

तुम अगर प्लीज मेरे पास हॉस्टल में ा कर मेरी छूट की मालिश कर दो.

तो शायद मेरी छूट की खुजली कुछ शांत हो जाये.

और बाकि का मेरी चुदाई का किस्सा भी में तुम्हारे साथ रूबरू होकर hi तुम को सुना दूंगी.

काम्य: यार मुझे तो ये तुम्हारा वेहम लगता hai,bhala मेरे मालिश करने से कैसे तुम्हारी छूट की खुजली मिट जाएगी.

तुम्हारी छूट तो लोढ़ा मांग रही है.

तुम्हारी छूट में तो जब मेरे माहि भय का लुंड घुसे गए तभी खुजली मिटेगी इसकी.

लेकिन में अपनी परहैप्स होने वाली ननद की बात भी ताल नहीं सकती, इसलिए में ा जाती हूँ.

तब तक तुम त्यार हो जाओ मुझ से अपनी फुद्दी की मालिश करवाने के लिए.

अपनी छूट को चिकनी और हैरलेस कर लो.

मुझे चिकनी छूट चाटने में ज्यादा स्वाद आता है.

हरप्रीत: यार माहि का सांप जब मेरी छूट की सैर करेगा तब की तब देखूंगी.

अभी तो मुझे तुम से hi अपनी छूट चेतवानी है.

और ये होगा भी तवो वे ट्रैफिक ⛔🚦,हम दोनों एक दूजे की छूट की सेवा करेंगे.

इसलिए तुम भी अपनी फुद्दी चिकनी करके आना, मुझे भी चिकनी छूट चेतना hi ज्यादा अच्छा लगता है.

काम्य 👇:ठीक है ननद






roll a d4

rani,ab इतने प्यार से बुला रही हो अपनी भाभी को, तो मुझे आना hi पड़ेगा.

और छूट तो में अपनी हमेशा hi चिकनी रखती hu,milk बादाम से मालिश करती हु डेली नहाते समय अपनी फुद्दी को हैरलेस करके.

थोड़ी देर baad,Kamya हॉस्टल में पहुँच गयी अपनी परहैप्स होने वाली ननद के पास.

हरप्रीत 👇की ज़ुबानी:





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जब मेरी परहैप्स वोउल्ड बे भाभी मेरे कमरे में पहुंची तो मेने खड़े होकर हुग करके स्वागत किया उसका.

बहुत प्यार से चूमा मेने अपनी काम्य भाभी को.

मुझे बहुत स्वाद ा रहा था उसके साथ 💋💋💋 किस्सेस करके.

पहले थोड़ा झिझक ने के बाद वह भी मुझे ज़ोर से चूमने लगी, किसिंग करने





लगी.

मेने कहा भाभी कितनी रसीली हो तुम मुझे बहुत स्वाद ा रहा है तुम से किसिंग करके.

उसने कहा ननद रानी तुम भी काम रसीली नहीं हो, लेकिन तुम झूठ मत बोलो तुम को अपने भाई कुलदीप से किसिंग करके ज्यादा मज़ा आया होगा.

मेने कहा मर्दों की किसिंग डिफरेंट तरह की होती है.

चूँकि वह किसिंग करते समय अपना लुंड भी टकरा देते है छूट पर.

लेकिन मुझे तो तुम्हारी किसिंग भी बहुत स्वादिष्ट लगी.

ऐसा बोलकर मेने भाभी के मुम्मे पकड़ लिए और दबाने लगी





उसने भी मेरे बूब्स बहुत प्यार से दबाये .

और मेरी ब्रा हटा कर मेरे मुम्मे दबाते हुए किश भी किया मुझे.

उसने कहा कितने गोर चित्ते और सॉलिड है तुम्हारे मुम्मे ननद रानी ,मन करता है खा hi जॉन इनको.

उसने कहा ननद रानी अब तुम खुद मुझसे अपने निप्पल्स सूचक करवाओ.

मेने भाभी के ऊपर लेटकर अपने निप्पल्स भाभी के मुँह में दाल दिए उसके सूचक करने के liye.Bhabhi ज़ोर से खाने ,





,काटने लगी मेरे बूब्स.

मेने कहा भाभी यार मेरे मुम्मे खा कर अज्ज hi क्यों मज़ा ख़तम करना है.

में तो तुम्हारी ननद बनकर ज़िन्दगी भर अपने मुम्मो का मज़ा देना चाहती हो तुम को.

वैसे मुझे तुम्हारे बूब्स से प्यार करके भी ैसम आनंद की प्राप्ति हो रही है.

उसने कहा अभी तो और मज़ा आएगा तुम को जब में तुम्हारे चिकने फुद्दी को प्यार करुँगी ननद रानी .

ऐसे बोलकर उसने मेरी छूट में फिंगरिंग शुरू कर di,mene





भी अपनी भाभी की फुद्दी में फिंगरिंग शुरू कर दी.

हम दोनों को एक दूजे की फिंगरिंग करते हुए बहुत मज़ा आने लगा.

तो भाभी ने कहा डार्लिंग ननद अब में तुम्हारी छूट चाट टी हु.

मेने कहा भाभी ये ओने वे नहीं तवो वे ट्रैफिक ⛔ होगा ,हम दोनों एक दूजे की छूट से प्यार करेंगे.

हम 69 पोजीशन में ा जाते है.

तो हम दोनों 69 पोजीशन में ा गए और एक दूजे की छूट





चाटने लगे.

छूट कहते जाने से में बहुत गर्म हो गयी और सिस्किअ लेने लगी cccccçccccc उफ्फ्फफ्फ्फ़ ीीे ममममममम आआआआआ ममममममम आआआआआ ममममममम bhabhiiiiiiiiiiiiiiii कितना अच्छा छठा है तुमने मेरे फुद्दी को.

और ऐसे सिसकते हुए मेने ढेर सारा छूट रास निकल दिया अपनी छूट से .

जिसको मेरी भाभी ने बहुत खुश हो कर ग्रहण किआ.

थोड़ी देर बाद काम्य भाभी भी सिसकने लगी हीइइइइइइइ cccccçccccc उफ्फ्फफ्फ्फ़ ीीे ममममममम आआआआआ ननदददददददद raniiiiiiiiiii कितना स्वाद दिया है तुम ने अपनी भाभी को.

और ऐसे सिसकते हुए भाभी ने झाड़ कर बेतहाशा पानी निकल दिया अपनी छूट से.

अपनी भाभी का छूट रास पीकर मुझे बहुत अच्छा लगा.

फिर हम दोनों ननद भरजाई ने एक लास्ट बार एक दूजे की छूट को चूमा .

और एक दूजे की बाँहों में लेटकर एक दूजे को किश 💋💋💋 किया.

मेने परहैप्स वोउल्ड बे भाभी काम्य से पूछा क्यों भाभी जी मज़ा आया अपनी ननद के साथ प्यार करके.

काम्य ने कहा मुझे 💯 परसेंट कम्पलीट स्वाद आया और इसके साथ ये अपडेट भी 💯 परसेंट कम्पलीट होती है.

फ्रेंड्स काइंडली लिखे रिप्लाई ंद कमैंट्स करो 🙏🙏🙏

राजी आपके प्यार के इंतज़ार में

तो बे कॉन्टिनोएड
 
अपडेट. -. 97 चंडीगढ़ का टूर-8 हरप्रीत का फर्स्ट टाइम कंटीन्यूइंग

दोनों ननद भाभी एक दूजे से बहुत प्यार करने के बाद, जफ्फी दाल कर लेते हुए थे.

तो काम्य बोली ननद रानी कैसे लगा तुमको अपनी परहैप्स होने वाली भाभी से प्यार करके.

अब तुम बताओ के अपने कुलदीप भय से छूट का उद्घाटन करवाने के बाद .

तुम ने कैसे डलवाया अपने मां जी का लोढ़ा अपनी फटी हुई छूट में.

और तुम्हारे कुलदीप भय ने कैसे तुम्हारी मम्मी के ऊपर चढ़ कर उसके भोसड़े में अपना लोढ़ा डाला.

तुमको किसके साथ ज्यादा मज़ा आया छूट मरवा के अपने भाई के साथ या मां के साथ.

हरप्रीत ने काम्य के मुम्मे दबाते हुए पूछा तुम को पहले मेरी और मां जी की चुदाई की कहानी सुन नई है या मम्मी और कुलदीप की.

काम्य: ये तुम्हारी मर्ज़ी है लेकिन सब बात बताना जो चुदाई के समय या उस से पहले हुई थी.

जैसे तुम को ठीक लगता है वैसे hi बता दो.

हरप्रीत: पहले तो कुलदीप ने hi मारा था मेरी मम्मी का भोसड़ा और बाद में सब डिटेल में बताया था मुझे.

तो उनके मिलान से hi शुरू करती हूँ.

कहानी फिर बैकलैश (पास्ट) में जाती हुई , जिसमे हरप्रीत अपनी & अपनी मम्मी की ,

कुलदीप और उसके पापा के साथ अदला बदली के वारे में, काम्य हीरोइन को बता रही है.

हरप्रीत की ज़ुबानी:

मेने अपनी मम्मी को किचन में चाय बनाने के लिए भेज दिया.

ये कह कर, के में तुम्हारे भतीजे कुलदीप को वहीँ तुम्हारे पास भेजती हु.

तो मेरी जसवीर मम्मी अपनी गीली छूट के साथ किचन में जा कर अपने भतीजे का इंतज़ार करने लगी.

थोड़ी देर बाद कुलदीप फ्रेश हो कर बाथरूम से बहार आया और मुझे पकड़ ने लगा.

मेने कहा भय अब मेरी सील तोड़ने के बाद तो तुमको ये हक़ मिल hi गया है.

के तुम मुझे जब मर्ज़ी पकड़ सकते हो प्यार करने के लिए.

लेकिन अभी मेरी मम्मी बहुत हॉर्नी है तुम्हारा डंडा अपने भोसड़े में लेने के लिए.

जसवीर मम्मी यहाँ आयी थी, मेने उनको किचन में भेज दिया है, ये बोल कर के में वहीँ भेजती हु कुलदीप को.

अब तुम किचन में जा कर प्यार की शुरुआत करलो अपनी बुआ के साथ, मुझसे तो जब मर्ज़ी प्यार कर लेना तुम.

कुलदीप मुझे चुम कर किचन में चला गया मेरी मम्मी के पास उसको प्यार करने के लिए.

कुलदीप की ज़ुबानी:

किचन में जा कर मेने बुआ को





पीछे से पकड़ लिया.

बुआ कुछ नहीं boli,jis कारन में बोल्ड हो गया और उनको पकड़ कर हुग कर लिया.

बुआ ने भी मुझे जफ्फी दाल ली.

में बुआ की पेंटी नीचे करके उनके चूतड़ों को दबाने लगा , मसल ने लगा और लुंड को उनके फुद्दी पर रगड़ ने लगा.

बुआ अपने मुम्मे मेरी





how about no image

छाती पर रगड़ ने लगी चूमने लगी मुझ को. .

मुझे कुछ गिला सा महसूस हुआ बुआ की छूट पर अपना लुंड वहां रगड़ ते समय.

तो मेने उनसे पूछा बुआ तुम्हारा भोसड़ा इतना गिला कैसे हुआ पड़ा है.

बुआ ने कहा मेने और तुम्हारे पापा ने, रात तुम को मेरी बेटी के साथ सुहागरात मन ते हुए देखा था.

तभी से मेरी छूट पानी निकल रही है.

मेने कहा बुआ रात मेरे पापा ने तुम्हारी रामप्यारी में लुंड तो जरूर डाला होगा.

फिर क्यों अभी भी खुजली हो रही है तुम्हारे फुद्दी में.

बुआ ने कहा ये अग्ग जो तुम दोनों की सुहागरात देख कर लगी हुई है .

तुम्हारे पापा के लुंड में और मेरी छूट में.

ये तो जब तुम्हारा लोढ़ा मेरे भोसड़े की. और तुम्हारे पापा का लोढ़ा मेरी बेटी हरप्रीत की ,छूट की ,

सैर कर लेंगे तभी बुझेगी.

मेने बुआ की ब्रा का हुक खोल कर उसके





मुम्मे दबाने शुरू कर दिए.

बुआ कहने लगी ऐसे किचन में थोड़ी सी छेड़ छड़ से नहीं बुझेगी मेरी अग्ग.

मेरे भोसड़े की अग्ग तो अच्छी तरह तुम्हारा डंडा अंदर लेकर hi बुझेगी.

मेने कहा बुआ में जरूर अपने सांप को तुम्हारे बिल की सैर करवाऊंगा.

लेकिन एक बार अपने भतीजे का लोढ़ा पकड़ कर तो देख लो.

ऐसा बोलकर मेने बुआ को लोढ़ा पकड़ा दिया.

बुआ ने लोढ़ा हाथ में पकड़ लिया और प्यार से हाथ फेरने लगी लुंड के





सुपर par.Mene पूछा बुआ अच्छा लगा तुमको अपने भतीजे का औज़ार.

बुआ ने कहा मुझे तो तभी से बहुत प्यार ा रहा है तुम्हारे लोडे पर जब रात तुम ने अपनी कजिन की छूट में डाला था इसको.

अच्छा अब तुम चाय पि कर चले जाओ अपने कमरे में.

और हम सब त्यार हो कर सोचते है अग्गेय के प्रोग्राम के वारे में.

और में बुआ के शरीर पर एक बार अच्छी तरह हाथ फेर kar,unko अच्छी तरह मसल कर, वापस अपने कमरे में ा गया.

हरप्रीत 👇 की zubani:Hum सब





त्यार हो कर नाश्ते के लिए टेबल पर ा गए और में निरपाल मां जी के साथ और मम्मी अपने भतीजे कुलदीप के साथ चिपक कर बेथ गए.

निरपाल मामाजी ने कहा हमारे पास अज्ज का hi समय है प्यार करने के लिए.

चूँकि कल को मेरे जीजाजी मतलब जसवीर कौर के हुब्बी ने ा जाना है.

अब तुम सब बताओ के हम िह्न 24 घंटो का यादगार इस्तेमाल कैसे कर सकते है.

जसवीर 👇 बोली ,हम सब पहले





घूमने चलते है .

और वापस ा कर में कुलदीप के साथ और तुम मेरी बेटी हरप्रीत के साथ सुहागरात मन लेना.

दोनों कपल्स मस्त मज़ा लेंगे नेवली वेद कपल्स की तरह घूम कर और चुदाई करके.

में तो ऐसा सोच टी हु.

तुम सब batao,kesa लगा मेरा विचार तुम को.

कुलदीप बोलै भला तुम्हारे विचार को कोई ठुकरा ने की सोच भी कैसे सकता है.

में तो तुम से सहमत हु बुआ.

मेने कहा हम माँ बेटी को तुम बाप बीटा जैसे मर्ज़ी अपनी पत्नीअ बना कर छोड़ सकते हो िह्न 24 घंटो में.

हम दोनों को अज्ज तुम्हारी पत्नीअ बन कर तुम्हारा लोढ़ा अपनी छूट में लेने में कोई इतराज़ नहीं है.

बल्कि मुझे निरपाल मां जी से और मेरी मम्मी को अपने भतीजे कुलदीप से छोड़ने में मज़ा hi आएगा.

हम दोनों ख़ुशी से लेंगे तुम दोनों का लुंड अपनी अपनी छूट में.

मेरे ऐसा बोलने पर सब के होठों पर मुस्कान ा गई और सब ने अपनी सहमति दे दी.

तो हम चरों घूम ने के लिए निकल pade,me कार में पीछे बेथ गई मां जी के साथ और मम्मी अग्गे कुलदीप भय के साथ.

घूमते समय निरपाल मां जी मेरे साथ और मेरी मम्मी अपने भतीजे कुलदीप के साथ चिपके रहे.

मेने कहा वैसे पहले सेक्सी मिलान के समय मर्द औरत को शॉपिंग 🛍️ करवाता है.

मुझे भी कल करवाई थी शॉपिंग कुलदीप भय ने और मम्मी तुम को भी करवाई होगी तुम्हारे भय ने.

मम्मी बोली कल की बात छोडो ,अब अज्ज सुहागरात मन नई hai,mardon ने .

तो अज्ज भी हमें शॉपिंग करवानी चाहिए इनको उन्देर्गर्मेन्ट्स बगैर की.

निरपाल मां जी ने kaha,vese तो उन्देर्गर्मेन्ट्स हमने उतरने hi है प्यार करते समय.

लेकिन पहले हम दिलवाएंगे , तभी तो तुम पहन सकोगी .

चलो चलते है लेकिन अगर तुम पहनो भी हम से और फिर उतरवा भी हम से लो तब अच्छा लगेगा हमको.

मेने मां जी का लोढ़ा दबाते हुए kaha,dekh लो जैसे तुम शॉपिंग करवाते समय नखरे कर रहे हो.

ऐसे hi हम लेडीज भी तुम्हारा लोढ़ा अपनी छूट में लेते समय नखरे कर सकती है.

कुलदीप ने अपनी बुआ के मुम्मे मसल ते हुए kaha,jab तक औरत नखरा न करे तब तक मर्द को उसकी छूट मरने में स्वाद कहाँ आता है.

और ऐसा बोलते हुए उसने अपनी बुआ का हाथ अपने लोडे पर रख दिया.

बुआ उसके लोडे को सेहला कर बोली यार एक बात तो में भूल गयी हरप्रीत बेटी तुम से करनी.

ये मेरे भतीजे कुलदीप का लोढ़ा तो बहुत ज्यादा बड़ा है इसके बाप से.

इतना बड़ा और मोटा लोढ़ा में कैसे ले पाऊँगी अपनी छूट में, मुझे तो फ़िक्र हो रहा है.

मेने kaha,mummy जब मेने अपनी वर्जिन छूट में ले लिया है .

तो तुम अपने खुले हुए फुद्दी में डलवाने से क्यों घबरा रही हो.

जसवीर मम्मी ने कहा नहीं यार मुझे तो दर लगता है इतना बड़ा लेने में.

तुम मेरे साथ hi रहना, जब मेरा भतीजा फर्स्ट टाइम मरेगा मेरी छूट.

बाद में में अकेली छुड़वा लिया करुँगी कुलदीप से.

मेने कहा ठीक है पहले में तुम्हारी सुहागरात hi मनवा दूंगी कुलदीप के साथ.

में मामाजी का लोढ़ा बाद में डलवा लुंगी अपनी छूट में.

में देखती रहूंगी तुम्हारे फर्स्ट टाइम का मिलान और जब कुलदीप तुम्हारे फुद्दी में लोढ़ा डालने लगेगा .

तब ा जाउंगी तुम्हारे पास और लुब्रीकेंट लगा दूंगी तुम्हारी छूट और तुम्हारे भतीजे के लोडे पर.

फिर तो ठीक hai,mene मामाजी का लोढ़ा दबाते हुए मम्मी से कहा.

लेकिन क्या तुम भी मेरी सहायता करोगी जब में तुम्हारे भाई का लुंड लुंगी अपनी छूट में.

मम्मी ने कहा सहायता की जरुरत मुझे है तुम्हें नहीं.

चूँकि जब तुम ने अपने भाई का इतना बड़ा मुस्सल ले लिया अपनी छूट में.

तो तुम्हारे ममे का तो बहुत आराम से चला जायेगा तुम्हारी छूट में.

ऐसे hi मादक बाटें करते हुए, गाड़ी मॉल में पहुँच गयी.

सब लोग नीचे उतर कर उन्देर्गर्मेन्ट्स की शॉप की तरफ चल पड़े.

कुलदीप अपनी बुआ के साथ और में अपने ममे के साथ चल रही थी.

कुलदीप ने अपनी बुआ के चूतड़ों को मसल कर पूछा बुआ तुम्हारे चुत्तड़ बहुत बड़े लग रहे है.

लगता है फूफा जी ने तुम्हारी गांड बहुत मरी होगी.

बुआ ने कहा नहीं यार मेरे चुत्तड़ तो वैसे hi बड़े है, तुम्हारे फूफाजी अगर ऐसा कुछ करते.

तो में अपने भय का लोढ़ा क्यों डलवाती अपने फुद्दी में.

और तुम्हारे निरपाल पापा ने भी कभी गांड नहीं मरी मेरी .

अगर तुम कहोगे तो किसी दिन खुले समय में मरवा लुंगी तुम से में अपनी गांड.

अज्ज तो में तुम्हारा लोढ़ा hi छूट में मुश्किल से ले पाऊँगी चूँकि तुम्हारा लुंड तो गधे के लुंड जैसा बड़ा है.

कुलदीप ने कहा बुआ जैसे तुम्हारी मर्ज़ी.

मेने मामाजी का लुंड दबाते हुए उनसे puchha,ji तुम को मेरी छूट मरने का ख्याल कब और कैसे आया.

पहले तो तुम ने कभी मुझ पर लाइन नहीं मरी ,फिर अब कैसे एकदम मेरी छूट मरने के लिए इतने उतावले हो गए.

निरपाल मामाजी ने कहा, तुम्हारे गोर चित्ते मुम्मे और चीक्स को देखकर मेरा लोढ़ा तो पिछले 2 तीन वर्ष से खड़ा होने लगा था.

लेकिन मुझे शर्म आती थी तुमको छूने में ,फिर जब कुलदीप पिछली बार मेरे साथ आया तुम्हारे घर.

और उसने खिड़की से मुझे तुम्हारी मम्मी की छूट मरते हुए देखा तो वह खुद भी मुठ मरने लगा और बोलने लगा .

हाय हरप्रीत हाय.......... कितनी खूबसूरत हो तुम बहना, तुम्हारी छूट मरने को बहुत मन करता है.

उसकी ऐसी इच्छा सुनकर मेरे और तुम्हारी मम्मी के मन में यह विचार आया.

के तुम्हारा और कुलदीप का अगर टंका फिट हो जाये तो मेरा और तुम्हारी मम्मी का रास्ता साफ हो जायेगा , खुलकर चढाई करने का.

हम दोनों आराम से सेक्स कर लिया करेंगे, लेकिन हमारी ये स्कीम तभी सफल हो सकती थी.

अगर तुम कुलदीप से छूट मरवाने को अपनी इच्छा से त्यार हो जाती.

फिर अब जब हम ने तुम दोनों भाई बहन को सेक्स करते हुए देखा.

तब तुम्हारी मम्मी का मन कुलदीप का लुंड अपनी छूट में लेने का और मेरा मन तुम्हारी छूट मरने का भी करने लगा.

हम दोनों भाई बहन मतलब तुम्हारी मम्मी और मेरी, यही हसरत है.

बस हमारी इसी हसरत के चलते, अज्ज तुम्हारा और मेरा सेक्सी मिलान संभव हुआ है.

तुम बताओ तुम खुश होकर मुझसे सम्भोग करना चाहती ho,kisi मज़बूरी में तो नहीं.

मेने मां जी के लोडे को ज़ोर से दबाते हुए कहा, ये अब सिर्फ तुम दोनों की नहीं बल्कि हम चरों की hi हसरत है निरपाल जी.

में बहुत खुश हो कर तुम्हारा लोढ़ा अपनी छूट में लुंगी जी.

मामाजी ने पूछा तुम मेरा नाम ले रही हो.

मेने कहा मेरी छूट तो तुम मेरा यार बन कर hi maroge,mama बन कर थोड़ा अपना लोढ़ा मेरे फुद्दी में डालोगे.

अब तुम कमरे के अंदर मेरे यार हो और बाहर मामाजी.

ऐसे hi कुलदीप भय कमरे के अंदर मेरा यार और बहार भाई.

मां जी ने खुश होकर मेरे मुम्मे मसल कर मुझे चुम कर कहा ,कितनी समझदार है मेरी गफ.

बाटें करते हुए हम गारमेंट शॉप पर पहुँच गए .

और दोनों मर्दों ने हमारे साइज की बहुत कॉस्टली और transparent,bra पेंटी & निघ्त्य खरीद कर हम को गिफ्ट कर दी.

फिर दोनों ने केबिन में जा कर हमको नंगा करके उन्देर्गर्मेन्ट्स पहना दिए.

ऑफ़ कोर्स पहनाने से पहले हमको खूब चूमा चूसा, मुम्मे दबाये, छूट सेहले ,अपने लुंड से प्यार करवाया.

हम दोनों ने कहा ,बस यहाँ इतना बहुत hai,baki का pyar,hum अब घर जा कर करेंगे.

उसके बाद हम चरों घर वापस ा गए.

घर ा कर मेने और मम्मी ने एक दूजे की मेक उप की .

हम दोनों अच्छे से साज़ दहेज़ गयी सुहागरात मन ने के लिए.

मेने मम्मी से पूछा अब तुम खुद hi डलवा लोगी कुलदीप का लोढ़ा अपनी छूट में.

या अब भी तुम को अपनी बेटी की जरुरत लगती है कुलदीप का लुंड अपने फुद्दी में लेने के लिए.

मम्मी ने kaha,pata नहीं कैसे लेकिन मेरी छूट अज्ज बहुत गीली हो रही है.

जैसे मेरे फुद्दी में पानी का नलका चल रहा हो.

इतना पानी तो मेरी छूट से पहले कभी नहीं निकला.

इतनी गीली छूट में तो मुझे लगता है ,के में आराम से ले लुंगी अपने भतीजे कुलदीप का लोढ़ा.

लेकिन अगर कोई समस्या हुई तो बुला लुंगी tujhe,ab कौन सा हम माँ बेटी में कोई पर्दा है.

फिर किचन में जा कर मम्मी ने 2 गिलास मिल्क बादाम के त्यार किये ,

एक गिलास मुझे देकर मामाजी के पास जाने को कहा.

और दूसरा गिलास खुद लेकर वह अपने भतीजे कुलदीप के कमरे में पहुँच गयी उसके साथ अपना पहला सेक्सी मिलान करने के लिए

फ्रेंड्स काइंडली लिखे रिप्लाई ंद कमैंट्स करो 🙏🙏🙏

राजी आपके प्यार के इंतज़ार में

तो बे कॉन्टिनोएड
 
अपडेट. -. 98. चंडीगढ़ का टूर-9 जसवीर का अपने भतीजे कुलदीप से प्यार:

जसवीर बुआ की ज़ुबानी:

में दूध लेकर अपने भतीजे के पास गयी .

और बड़े प्यार से उनको दूध का गिलास देकर उसके पैर छूने लगी.

कुलदीप ने kaha,bua ये क्या कर रही हो, तुम्हारी जगह मेरे दिल में है.

मेने कहा ,ठीक है में जानती हूँ के में तुम्हारी बुआ हूँ लेकिन अभी के लिए तुम मेरे साजन और में तुम्हारी लुगाई हु.

इसीलिए अपने हुब्बी के पैर छू रही thi,ab बुआ बन कर थोड़ा तुम्हारा लोढ़ा अपने फुद्दी में लुंगी.

तुम्हारी पत्नी बन कर hi मरवाउंगी अपना भोसड़ा तुम से.

ये कोई सिर्फ अज्ज की hi बात थोड़ा hai,ab तुम कमरे के अंदर मेरे पति और बहार मेरे भतीजे हो.

कुलदीप ने मुझे पकड़ लिया और मुझे चूमने laga,kiss करने लगा.





में भी उसका पूरा साथ देने lagi.Mujhe बहुत मज़ा ा रहा था उसकी छेड़ छड़ से.

अब वह मेरे मुम्मे मसल ने लगा और बोलै बुआ कितने pyare,bade और गुदाज़ है तुम्हारे मुम्मे .

बहुत मन करता है इनको दबाने, मसल ने और चूसने का.

मेने कहा भतीजे कर लो प्यार मेरे बूब्स से जैसे तुम चाहते हो.

अब तुम्हारे पास इसी काम के लिए तो आयी हु.

अब मुझे पूछने की क्या जरुरत है.

ऐसा बोल कर में अपने दोनों ब्रैस्ट निप्पल्स राजे के मुँह में दाल कर सूचक





करवाने लगी.

मेने राजे से पूछा, अच्छा ये बताओ तुम कब से मुझ से प्यार करना चाहने लगे थे.

मेने पहले भी बहुत बार तुम को मेरे मुम्मो और गांड को घूरते हुए देखा है.

कुलदीप मेरे चूतड़ों को मसल ने, दबाने और चाटने लगा.

बहुत प्यार से मेरी गांड पर हाथ फेर ते हुए उसने अपनी एक फिंगर मेरी गांड के भूरे छेड़ में दाल दी.

मेरे चूतड़ों और मुम्मो से खेलते हुए वह bola,bua में तो कब से तुम्हारे मुम्मो और गांड से प्यार करना चाहता था.

लेकिन मुझे कभी मौका नहीं मिला.

फिर में ज़िद करके पापा के साथ तुम्हारे पास आने लगा.

मुझे तुम और तुम्हारी बेटी हरप्रीत बहुत अच्छे लगते हो.

तुमसे तो में बहुत डरता था के अगर मेने तुमको छू लिए तो तुम कहीं गुस्से न हो जायो .

इसलिए में हरप्रीत बहन की छूट मरने के वारे में सोचने लगा.

और मेने कई बार उसके नाम की मुठ भी मरी.

लेकिन जब पिछली बार में अपने निरपाल पापा के साथ आया और उसको तुम्हारी छूट मरते हुए देखा .

तो मुझे तुम को छोड़ने का सपना शकर होता हुआ नज़र आया.

और अब की बार तो मेरी सभी इच्छा पूरी हो गई जब हरप्रीत बहन भी ा गयी .

और तुम्हारी और पापा की चुदाई खिड़की से देखते हुए हम दोनों काफी गर्म हो गए थे.

और बाद में दोनों ने बहुत सेक्सी प्यार किया और मेरी हरप्रीत बहन ने खुश होकर मेरा लोढ़ा अपनी वर्जिन छूट में डलवा लिया.

मुझे ज़िन्दगी में इतना मज़ा पहले कभी नहीं आया.

जितना इस बार हरप्रीत बहन और तुमसे प्यार करके आया ,ा रहा है और अग्गेय भी आता rahega,aisa मुझे लगता है.

मेने कुलदीप के लोडे की मुठ मरते हुए और उसको 💋💋💋💋💋💋💋 किस्सेस





super deduper

करते हुए kaha,ab बाटें hi करते रहोगे या अपनी बुआ को मज़ा भी डोज.

सिर्फ तुम को hi नहीं, मुझे भी बहुत मज़ा ा रहा है तुम्हारे साथ प्यार करके.

मेरे फुद्दी से भी बहुत पानी निकल रहा hai,jab से तुम्हारा लोढ़ा अपनी छूट में डलवाने के वारे में सोचा है मेने.

मुझे लगता है के जब तक में तुम्हारे लोडे को अपने भोसड़े में नहीं दलवाउंगी तब तक मेरी छूट की खुजली नहीं मिटेगी.

पता नहीं ये तुम्हारे साथ चुदाई करने की सोच कर क्यों मेरे फुद्दी में इतनी अग्ग लगी है.

पहले तुम्हारे बाप से छुड़वाने का सोच कर तो कभी मेरी छूट से इतना पानी नहीं निकला.

में बाटें भी कर रही थी और अपने भतीजे के लुंड की मुठ भी मर रही थी.

कुलदीप ने कहा बुआ मुझे भी तो तुम्हारी गुलाबो से इंट्रो करने दो, तुम ने तो बहुत मसल लिया मेरा लोढ़ा.

और राजे ने मुझे पैसा दिला कर मेरे फुद्दी में अपनी फिंगर्स दाल कर हाथ से





picture to url

मसलना शुरू कर दिया मेरा भोसड़ा.

राजा मेरे फुद्दी से खेल रहा था और में उसके लोडे से.

मेने अपने भतीजे से puchha,Raje अब तो हम दोनों के बीच कोई पर्दा नहीं रह गया.

क्या तुम अपनी लुगाई को बताओ गए के तुम ने हरप्रीत की छूट मरने से पहले भी किसी की फुद्दी में, अपना लोढ़ा डाला था.

या तुम्हारा भी हरप्रीत की तरह फर्स्ट टाइम hi था.

कुलदीप ने kaha,bua मेने बहुत गर्ल्स के साथ इंटिमेसी तो की है.

जैसे उनके मुम्मे दबाये ,छूट छाती उनकी, अपना लोढ़ा चुसवाया उनसे.

उनकी छूट की फिंगरिंग करके उनका छूट रास पिया.

उनसे मुठ मरवा कर और लुंड सूचक करवा कर ,उनको लुंड रास पीला दिया.

लेकिन छूट में लोढ़ा पहली बार हरप्रीत के hi डाला है.

अब तुम बताओ तुमने मेरे पापा और फूफा जी को छोड़ कर किसी और से मरवाई है अपनी छूट, अगर मुझ पर विश्वास है तो.

मेने कहा अब तुम्हारा हाथ तो अपने फुद्दी पर रखवाया हुआ है.

और इस से ज्यादा विश्वास का प्रूफ क्या हो सकता है ,2 लोगों के बिच में.

में तुम को सब बता टी हु.

अभी तक मेने लोडे तो अपनी छूट में 2 लोगो के hi लिए है.

पहला अपने भय जनि के तुम्हारे बाप का जिसने मेरी सील तोड़ी थी.

दूसरा तुम्हारे फूफाजी का और तीसरा अज्ज तुम्हारा लुंगी अपने भोसड़े में.

लेकिन कुछ तुम्हारे फूफा जी के दोस्त है वह डिनर पर अपनी वाइफ के साथ ा जाते है कभी कभी.

और तुम्हारे फूफा जी मुझे भी उनके घर ले जाते है कभी कभी डिनर पर .

व्हिस्की लेने के बाद इनके दोस्त मेरी गांड और मुम्मे मसल देते है कभी कभी और में आराम से मसल व लेती हु.

तुम्हारे फूफा जी भी उनकी वाइफ को मसल लेते है और वह भी सिलेंटली फिरवा लेती है तुम्हारे फूफा का हाथ अपने शरीर पर.

सब कुछ सब के सामने होता hai,kisi को कोई इतराज़ नहीं होता.

बस यही कहानी है मेरी सेक्स लाइफ की तोह.

कुलदीप ने puchha,bua एक बात बताओ.

तुमने छूट तो शादी से पहले hi मरवा ली थी अच्छी तरह, अपने भाई मतलब मेरे पापा से .

फिर तुम्हारी सुहाग रत के समय फूफाजी को पता नहीं चला के तुम्हारी सील टूटी हुई है.

मेने kaha:Suhagrat समय तुम्हारे फूफाजी मेरे पास व्हिस्की पि कर ए थे.

तो इनको तो मेरी छूट का छेड़ hi मुश्किल से मिला था, इनको सील का क्या पता चलना था के टूटी हुई है या नहीं.

इनका लोढ़ा तो मेने खुद पकड़ कर छूट के छेड़ पर लगाया था.

थोड़ा मेने दर्द का ड्रामा कर दिया था.

मुझे तो तुम्हारे फूफाजी ने कुछ नहीं पूछा .

और मेने खुद तो क्या बताना था, के में अपने भय से छूट मरवा रही हु काफी समय से.

ऐसे बाटें करते हुए कुलदीप मेरी छूट और गांड चाटने लगा.

वह कुत्ते की तरह अपनी जीभ से मेरी गांड और छूट के छेड़ को बहुत





शिद्दत से चाट रहा था.

उसके ऐसा करने से में बहुत गर्म हो गयी और सिस्किअ लेने लगी cccccçccccc उफ्फ्फफ्फ्फ़ रजिएए कुलदीपपपपपप हीइइइइइइइ cccccçccccc उफ्फ्फफ्फ्फ़ ीीे ममममममम आआआआआ रजिएए.

ऐसे hi चूस अपनी बुआ के फुद्दी को, बहुत मज़ा ा रहा है राजे और ऐसे बोलते बोलते ढेर सारा छूट रास निकल गया मेरी छूट से.

मेरा भतीजा सारा रास डालकर कर बहुत खुश हो गया.

और कहने लगा बुआ तुम्हारे फुद्दी से निकला रास बहुत स्वाद था.

मेरा पेट भर दिया तुम ने.

मेने कहा खुद तो तृप्त हो गए तुम और मेरा क्या.

तो मेरे भतीजे ने अपना लोढ़ा मेरे मुँह के पास कर दिया.

लुंड को मेरे होठों पर लगा कर kaha,bua लो निकल लो तुम भी मेरे नलके से अपने लिए पानी और बुझा लो अपनी प्यास.

मेने राजे के लोडे से प्यार करना शुरू कर diya,lode के सुपर को चाटने लगी.

कुलदीप ने कहा बुआ पूरा मुँह में लेकर सूचक करो.

मेने राजे का लोढ़ा मुँह में लेने की कोशिश की .

लेकिन राजे का लोढ़ा बहुत बड़ा था, पूरा मुँह में आना तो मुश्किल था.

जितना मुँह में ा सकता था उतने को hi बहुत प्यार से





चूसने लगी में.

कुलदीप भी लुंड के धक्के मेरे मुँह में लगा कर मेरा मुँह छोड़ने लगा.

इसके चलते वह बहुत गर्म हो गया और उसने अपना लोढ़ा मेरी छूट के छेड़ पर रख कर मेरी तरफ देखा.

मेने कहा राजे एकदम मत डालना धीरे डालना तुम्हारे लुंड का साइज बड़ा है.

कहीं मेरी चीख hi न निकल जाये पूरा लुंड एक बार में hi डालने से.

उसने कहा बुआ बहुत आराम से मरूंगा तुम्हारा फुड्डा. और आधा लुंड दाल के धीरे धीरे अंदर बहार करने लगा.

मुझे बहुत मज़ा आने लगा.

मेने पहले अपने भय और हुब्बी का लुंड भी डलवाया था अपनी छूट में.

लेकिन पता नहीं क्यों मुझे अपने भतीजे का औज़ार अपने भोसड़े में लेने से चार्म सुख की प्राप्ति हो रही थी.

शायद यह" रिश्तों में हसीं बदलाव" के कारण हो रहा था.

मतलब जिह्न 2 लोगो से में पहले चुद चुकी थी उनके साथ चुदाई के कपरिसों में.

बहुत ज्यादा मज़ा मुझे अपने भतीजे की चुदाई से ा रहा था, इसी हसीं बदलाव के कारण.

मेने जोश में ा कर अपने भतीजे से कहा दाल दो भतीजे अब अपना पूरा मुस्सल अपनी बुआ के भोसड़े में.

बहुत सुख दिया है तुम ने अज्ज मुझे.

तो कुलदीप बहुत ज़ोर से धक्के लगा कर





छोड़ने लगा मुझे.

में भी अपने चूतड़ ऊपर उठा उठा कर ज़ोर से मरवाने लगी अपनी छूट.

पूरा लुंड लेने लगी अपने फुद्दी में.

अचानक मेरा मन राजे के ऊपर ा कर छोड़ने का करने लगा और मेरा इशारा प् कर मेरा भतीजा नीचे लेट गया.

में राजे के ऊपर चढ़ कर उसका लुंड अपने फुद्दी में दाल कर कूदने लगी उस पर.





कुलदीप भी नीचे से धक्के लगाने लगा मेरे फुद्दी पर.

कुलदीप ने फिर मुझे घोड़ी बन ने का इशारा किया.

और मेरे घोड़ी बन ने पर अपना लोढ़ा मेरी छूट के छेड़ पर रख कर धक्का मर कर अंदर दाल दिया.

और बहुत शिद्दत से छोड़ने लगा अपनी घोड़ी बुआ को.

मुझे बहुत ज़्यादा स्वाद आने लगा.

और में अपनी गांड हिला हिला कर बहुत ज़ोर से





chudne lagi apne bhatije se.

Aise zor se dhakke laga kar Raje ne mujhe maze ke satven aasaman par pahuncha diya.

Aur isi swad ke karn mere bhosde ne betahasha ras nikal diya.

Ab raja jo adhe ghante se meri chudai kar raha tha ,ne bhi bahut zor se dhakke lagane shuru kar diye.

Aur usne bhi farig hokar mera bhosda apne safed taral padarth roopi pyar se bhar diya.

Tript hokar hum donon ek duje ki bahon me ek duje ko chumte hue let gaye.

Mere bhatije Kuldip ne mujhe puchha ,bua kese laga tumko ye "Rishton Me Haseen Badlav", matlab apne bhatije se apni chut marva kar.

Mene kaha mene pehle kabhi chudai ko itna enjoy nahi kiya, jitna tum se ajj chud kar kiya.

Shayad yeh "Rishton Me Haseen Badlav" ka hi asar hai.

Mene ajj 💯 percent complete swad liya tumare sath aur isike sath hi yah update bhi 💯 percent complete hoti hai.

Darshakon ke anurodh par mene apni ek saheli Arushi Dayal ki 2 poems add kar rahi hu , apni iss update mein👇

Bua keh rahi hai apne bhatije se:👇

कुलदीप bhatije को कुछ तो हुआ है

जब से mene uskeलोडे को छूआ है

अच्छे से कर दो मेरी चुदाई

तू मेरा साजन मैं तेरी लुगाई

अपने सारे छेद आज तुझको दूंगी

तेरा मोट्टा लौडा अपने फुद्दे में लूंगी

अब चाहे निकले कुछ भी नातीजा

कमरे में तू साजन बाहर भतीजा

मेरी टाइट गांड और मम्मो से खेलो

पूरी रात तुम मुझे तसली से पेलो

हरप्रीत की तो तू कर चुकाhai सवारी

अब आई है तेरी , बुआ की बारी

बिस्तर पे आ जाओ अब राजा जानी

फुद्दी से मेरी बह रहा है कितना पानी

तेरे जैसे नहीं है कोई दमदार दूजा

अच्छे से चुस अपनी बुआ का फुद्दा

मैं हो चुकी हूं अब तेरी दीवानी

पिला दे मुझे अपने नलके का पानी

Apne लोडे को मेरे होंठ पे लगा दे

मेरी बरसों की प्यास tu भुजा दे

मुझे आज जन्नत की सैर करा दे

पूरा लौड़ा अब मेरे अंदर घुसा दे

ऊपर चढ़ी मैं और कभी बनी घोड़ी

चोद के रख दी मेरी chut nigodi

अच्छे से कर दे आज मेरी चुदाई

Mere फुद्दे में भर दे अपनी मलाई

दोनों के बदन में जल रहा है आलाव

रिश्तों में आ रहा है हसीन बदलाव

एक ऐसी लड़की के दृष्टिकोण से कुछ पंक्तियाँ लिखने की कोशिश की है Arushi Diwani ne जो जल्द ही दुल्हन बनने वाली है।👇

जबसे हुई थी मेरी सगाई

छेड़े सखियाँ छेड़े भोजई

कोमल सी नन्ही सी पायरी सी छोरी

बिस्तर पे रोज़ रात बनेगी अब ये घोड़ी

साजन के लोडे की होगी सवारी

कभी चुत फटेगी तो kabhi गांड की बारी

सुन सुन के बातें मैं होती थी गिली

सइयां करेंगे मेरी कब ये चुत ढिल्ली

रोज़ रात बिस्तर पे आन्हे भरू मैं

उँगलि से चुत को ठंडी करु मैं

आखिर वो दिन शादी का आया

सखियों ने मिलकर मुझे सजया

सभी बोली अच्छे से करलो तयारी

पतिदेव करेंगे आज तेरी सवारी

कान मैं धीरे से बोली भोजाई

पूरी रात होगी आज तेरी ठुकाई

शरम ओ हया का घूँघट हटेगा

आज तेरी बुर का पर्दा फटेगा

Friends kindly like reply nd comments kro 🙏🙏🙏

Raji aapke comments ke intzar mein

To be continued
 
अपडेट. -. 99 चंडीगढ़ का टूर- 10 हरप्रीत का अपने मां निरपाल से प्यार.

जसवीर बुआ के उसके भतीजे कुलदीप से सेक्सी मिलान की कहानी हरप्रीत ने काम्य हीरोइन को सुनाई.

काम्य ने हरप्रीत को चुम कर kaha,nanad रानी स्वाद ा गया तुम्हारी मम्मी की चुदाई गाथा सुन कर.

मेरी रामप्यारी तो तुम ने पूरी गीली कर दी इतनी कामुक कहानी सुना कर.

ऐसा बोलकर वह हरप्रीत के मुम्मे दबाने लगी, उसको चूमने लगी और उसके फुद्दी में फिंगरिंग करने लगी.

हरप्रीत भी उसका पूरा साथ देते हुए उसको 💋💋💋 किसिंग और फिंगरिंग करने लगी.

और वह बोली के भाभी अब तुम ने कब अपनी छूट खुलवानी है मेरे कुलदीप भय से.

अभी तुम्हारी टाइट छूट में सिर्फ एक फिंगर hi अंदर जाती है और मुझे स्वाद नहीं आता एक hi फिंगर दाल कर तुम्हारी छूट से प्यार करने में.

जब तुम अपनी फुद्दी में मेरे भय का औज़ार डलवा कर इसका फुड्डा बनवा लोगी. तब ज्यादा मज़ा आएगा मुझे अपनी भाभी के फुद्दी से प्यार करने में.

काम्य ने कहा ये क्या बात हुये ननद रानी के में तुम्हारे मज़े के लिए अपनी छूट में तुम्हारे कुलदीप भय का लोढ़ा ले लू.

पहले मुझे अभी फैसला करना है के मेने तुमको अपनी ननद बना न है या नहीं और ये फैसला में अकेली नहीं कर सकती .

दोनों परहैप्स होने वाली ननद भाभी बाटें भी कर रही थी और एक दूजे के शरीर को मसल भी रही थी.

काम्य ने हरप्रीत के मुम्मे दबाते हुए कहा.

क्या तुम मेरे मुम्मे दबा कर और छूट चाट कर एन्जॉय नहीं कर सकती .

मेरी फुद्दी में फिंगरिंग करके क्या तुमको ज्यादा मज़ा आता है मुझे और मेरी गुलाबो के चाटने से.

हरप्रीत ने कहा जैसे मर्दों को हमारी छूट में लुंड दाल कर ज्यादा मज़ा आता है .

वैसे hi हम औरतों को भी छूट में फिंगरिंग करके hi ज्यादा मज़ा आता है.

जैसे मर्द को हमारी छूट मरने से चार्म सुख मिलता है वैसे hi फिंगरिंग से झाड़ कर hi हमें लेस्बियन चार्म सुख मिलता है.

चूमा छाती से तो हमारी गुलाबो सिर्फ गीली होती है .

हमारी रामप्यारी तो मर्द के लोडे से चुद कर उसका सफ़ेद तरल पदार्थ ग्रहण करने पर hi तृप्त होती है.

काम्य ने कहा यार ऐसी बाटें करके तुम ने मुझे अत्यंत कामुक बना दिया है.

अब मुझसे रहा नहीं जाता लगता है तुम मेरी फुद्दी की सील अपने कुलदीप भय से तुड़वा कर hi डैम लोगी.

चलो अब और मादक बाटें मत करो तुम अपनी परहैप्स होने वाली भाभी के साथ.

और तुम ने कैसे अपने मां जी का लोढ़ा अपने फुद्दी में dalvaya,vo कहानी सुनाओ.

हरप्रीत ने कहा मेरी अपने मां से चुदाई की कहानी कौन सी काम इरोटिक है, लेकिन अब तुम को सुना नई तो है hi मेने.

तो सुनो कैसे मेने अपनी एक बार चूड़ी हुई छूट में ,अपने मां जी का लुंड लिया.

हरप्रीत की ज़ुबानी:

मेरी मम्मी दूध लेकर खुद तो अपने भतीजे कुलदीप के पास चली गयी थी और मुझे मेरे मां के पास भेज दिया.

में दूध का गिलास लेकर मामाजी के पास गयी और उनको दूध देकर उनके पैर छूने lagi.Mamaji ने मुझे मुम्मो से पकड़ कर अपनी छाती से लगा लिया और





upload images online

mujhe chumne,chatne lage , kissing karne lage,me bhi unse sehyog karne lagi.

Fir vah bole ye kya kar rahi ho Harprit tum mere per kyon chhu rahi thi.

Mene kaha Raje ab mein tumse tumari lugai ban kar chut marwane ayi hu, isiliye tumare per chhu rahi thi.

Unhone kaha lekin me to tumara mama hu.

Mene kaha,ab kamre ke andar tum mere sajan bankar meri chut maroge.

Aur kamre ke bahar tum mere mama ji hi rahoge.

Ab hamare

"Rishton Me ye Haseen Badlav "

hone ja raha hai.

Unhone kaha vese tum ko sharm to aati hogi mujhe apna pati bana kar mera loda apni chut mein lete hue.

Mene kaha jab tumko mere fudde mein apna lund dalte hue sharm nahi aayegi to me apni chut mein lete hue kyon sharm karu.

Aur tumara beta Kuldip bhi to apni bua matlab tumari behn ko, apni lugai bana kar chod hi raha hai dusre kamre mein.

Agar meri mummy apne bhatije ka loda apne fudde mein dalva sakti hai uski lugai ban kar bagair kisi sharm ke.

To me apne mamaji ji ki lugai ban kar kyon nahi unka lund le sakti apne fudde mein.

Hum charon ko hi agar" "Rishton Me ye Haseen Badlav", achha lagta hai,to fir sharmana ya jhijhak na kyon.

Poem by my sister/friend Arushi, being spoken byNirpal mamaji👇

निर्पाल ने हरप्रीत की कलई को मारोरा

आजा चुस ले अपने मामे का लौड़ा

बनाके तुझे आज अपनी लुगाई

पूरी रात करूंगा तेरी चुदाई

Mummy teri की जैसी की thi चुदाई

अच्छे से चख ले तू मेरी मलाई

मामे को अपना तू जलवा दिखा de

जवानी का अपना तू हलवा खिला दे

Mamaji ne mujhe pakad kar 🐀𲰽𲰽𲰽𲰽𲰠kissssssssss karte hue kaha baby tum thik kehti ho.

Isike sath mamaji mujhe chumne chatne lage, kissing karne lage.

Me bhi unka bharpur sath dene lagi unko chumne lagi, kissing karne lagi.

Unhone mujhe pichhe se pakad liya aur apna loda mere sath satta kar mere





बूब्स पर हाथ फेरने लगे.

मेरी गर्दन को चूमने lage,gand पर लोढ़ा घिसने लगे.

मेने पूछा जी तुम को मेरे मुम्मे अच्छे लगे या मेरी मम्मी के अच्छे है.

उन्होंने कहा तुम्हारे बूब्स है तो छोटे तुम्हारी मम्मी से लेकिन बहुत कड़क है.

मेने उनके लुंड को दबाते हुए कहा, अब तुम बाप बेटे ने कौन सा छोड़ना है मेरे मुम्मो को.

खिंच खिंच कर मेरी मम्मी जैसे बड़े hi कर देने है.

मां जी ने कहा क्यों तुम को स्वाद नहीं आता अपने मुम्मो से प्यार करवा कर.

मेने kaha,swad आता है तभी तो मसल व रही हु तुमसे और तुम्हारा लोढ़ा पकड़ रखा है.

और राजे धीरे क्यों दबा रहे ho,achhe से मसल कर निकल दो इनकी अकड़ और चूस लो ज़ोर से मेरे मुम्मो ko.To उन्होंने मेरे मुम्मे अच्छे से मसलने



और दबाने शुरू कर दिए.

मुझे बहुत मज़ा आने लगा.

मेने उनसे पूछा राजे मेरी शादी के बाद तुम दोनों बाप बीटा क्या करोगे फिर.

मामाजी ने कहा, शादी के बाद तुम मिलने तो आया hi करोगी तब हम बाप बेटे के साथ स्वाद बदल कर चली जाया करना अपने हुब्बी के पास.

जब ससुराल में होगी तो अपने हुब्बी से मरवा लिया करना अपना फुड्डा और मायके में हमारा लोढ़ा ले लिया करना अपनी छूट में.

और अगर ड्यूटी समय छूट मरवाने का दिल करे तो किसी डॉक्टर का लुंड ले लिया करना अपनी छूट में.

डॉक्टर भी तो त्यार hi रहते है नर्सेज की छूट मरने को.

हो सकता है जिस डॉक्टर का लोढ़ा अपनी छूट में डलवाओ उसके साथ hi तुम्हारी शादी हो jaaye.Aise बोलकर मामाजी ने फिर ज़ोर से मेरी निप्पल्स को chatna,chusna और काटना





शुरू कर दिया.

मेने कहा राजे काटो मत मेरे mummay,daba लो जितने marzi,chus लो.

काटने से निशान पद जायेंगे.

देख लो कल रात मेरे कुलदीप भय ने भी काफी देर प्यार किया था मेरे बूब्स से लेकिन निशान एक भी नहीं डाला.

उन्होंने कहा ,ठीक है baby,josh में हो गया ऐसा.

चूँकि तुम्हारे गोर चित्ते मुम्मो से खेलने की हसरत बहुत देर से थी .

और अज्ज ये हसरत पूरी हुई तो ज्यादा एक्ससिटेमेंट हो गयी.

फिर उन्होंने मुझे खड़ा कर लिया और मेरे पीछे ा कर अपना लुंड मेरी गांड





पर दबाते हुए मेरे मुम्मो से खेलने लगे.

मेरे ासशोले पर अपना लोढ़ा रगड़ कर बोले बेबी अज्ज हमारा पहला मिलान है. अगर में अज्ज तुम्हारे पिछले छेड़ का उद्घाटन करू तो तुम को केसा लगेगा.

मेने पूछा जी राजे पहले तुम ने अपनी बहिन मतलब मेरी मम्मी के पिछले छेड़ की ओपनिंग कर ली है या नहीं.

मामाजी ने मुझे बीएड पर लिटा कर मेरे ऊपर चढ़ कर लेट ते हुए और अपना लोढ़ा





मेरी गांड के छेड़ पर रगड़ कर , मेरी बैक & गल्ल चूमते हुए कहा.

बेबी अभी मेने अपनी बहिन की गांड तो नहीं मरी है.

मेने भी उनके हेयर पर हाथ फेरते हुए और उनको चूमते हुए kaha,to राजे पहले तुम अपनी बहिन की गांड मरना.

और तुम्हारा बीटा कुलदीप अपनी बहिन यानि के मेरी की गांड का उद्घाटन करेगा.

उसके बाद में तुम्हारा और मम्मी कुलदीप का लोढ़ा अपनी अपनी गांड में डलवा लेंगी.

तब तक अगर तुम को मेरी गांड के भूरे छेड़ पर ज्यादा hi प्यार ा रहा है तो चाट लो मेरे ासशोले को.

और ज्यादा से ज्यादा अपनी फिंगर्स दाल कर देखलो , मतलब इंट्रो करलो मेरी गांड के भूरे छेड़ से.

मामाजी ने कहा ठीक है बेबी जैसा तुम को ठीक लगे.

और मेरे चूतड़ों के साथ खेलने लगे , दबाने लगे मसल ने लगे मेरे चूतड़ों को.

बीच बीच में अपनी फिंगर्स मेरी गांड के भूरे छेड़ में दाल कर इन आउट करने लगे.

मुझे अपने पिछवाड़े के साथ उनका प्यार करना बहुत अच्छा लग रहा था.

उनके ऐसा करने से मेरी गुलाबो बहुत पानी छोड़ने लगी और मेरी ब्रैस्ट निप्पल्स एकदम तन के कड़ी हो गई.

मेने इशारे से मामाजी जो को नीचे लिटा लिया और उनके ऊपर ा कर उनको अपने अकड़े हुए





मुम्मे चुसवाने लगी, अपने निप्पल्स उनके मुँह में दाल कर..

उनको कहने लगी ज़ोर से प्यार करो अपनी लुगाई के मुम्मो को, बहुत तड़प है मेरे बूब्स mein,masal kar,chat कर ,निकल दो इनकी सब अकड़ मेरे साजन.

मामाजी बहुत शिद्दत से दबाने और चाटने लगे मेरे बूब्स.

अब मेने उनका एक हाथ पकड़ कर अपनी रामप्यारी पर रख दिया.

और राजे को मेरे फुद्दी को मसल ने के लिए कहा.

राजा मेरे फुद्दी से प्यार करने लगा, चाटने लगा मेरी छूट.

मेने खुद अपना फुड्डा साजन के मुँह पर दबाना ,रगड़ न शुरू कर





diya.Mamaji ने कहा रानी बहुत अग्ग है तुम्हारी छूट में .

और वह भी ज़ोर लगा कर चूसने लगे मेरा फुड्डा.

मेने पूछा मेरा फुड्डा चाट कर ज्यादा मज़ा ा रहा है राजे या मेरी मम्मी का भोसड़ा ज्यादा स्वाद लगता है तुम को.

उन्होंने kaha,abhi तो तुम्हारी टाइट छूट hi स्वाद लग रही है लेकिन उनका खुला हुआ भोसड़ा भी कुछ काम नहीं है.

अब राजे ने मुझे नीचे लेटने का इशारा किया और मेरे ऊपर चढ़ कर मुझे बहुत





शिद्दत से किश करने lage.Aur ऐसे hi मुझे चूमते हुए नीचे आने लगे और मेरा पेट चूमने lage.Mene पूछा





राजे अज्ज तो बहुत प्यार ा रहा है ,इतना चुम चाट रहे हो अपनी भांजी को.

उन्होंने कहा रानी तुम्हारे सभी अंगों पर hi मुझे बहुत प्यार ा रहा hai.Mera पेट चूमते हुए राजा नीचे ा कर मेरी नाभि चाटने laga.Fir नीचे ा कर बहुत





धीरे धीरे मेरी छूट चूसने लगा.

उनके इतना ज्यादा प्यार दिखने के कारण में बहुत गर्म हो कर सिसकने लगी हीइइइइइइइ cccccçccccc उफ्फ्फफ्फ्फ़ ीीे ममममममम आआआआआ ममममममम आआआआआ रजिएए उफ्फफ्फ्फ़ Nirpallllllllll.

कितने प्यार से चाट रहे हो तुम मेरा फुड्डा.

बहुत मज़ा ा रहा hai,haiiiiiiiiiiiiii .

और ऐसे कहते हुए झाड़ कर मेरे फुद्दी ने बेतहाशा छूट रास निकल दिया.

निरपाल राजे ने बहुत स्वाद से चाट लिया मेरे फुद्दी का रास.

मामाजी अब मेरी दूध जैसी सफ़ेद जांघों को कुत्ते के माफिक चाटने लगे .

उनके ऐसा करने से में फिर बहुत गर्म हो गयी और जल्दी से जल्दी उनका लोढ़ा अपने फुद्दी में लेने के लिए तड़प ने लगी.

मेने उनका लोढ़ा पकड़ लिया और उसकी





मुठ मरने लगी.

मुझे राजे के लुंड पर बहुत प्यार ा रहा था.

मेने उनके लुंड के सुपडे पर हाथ फेर न शुरू कर दिया और धीरे धीरे उनका





लुंड मुँह में ले कर चूसने लगी.

अब मेरी रामप्यारी बहुत गीली हो गई थी और जल्दी लोढ़ा अपने अंदर डलवाना चाहती थी.

राजा भी मेरी बात समझ गया और मेरे साजन ने अपना लोढ़ा मेरे फुद्दी के छेड़ पर रख कर मेरी और देखा.

मेरी सहमति प् कर उन्होंने अपना लोढ़ा मेरी गुलाबो में दाल दिया.

में भी ज़ोर से हिल हिल कर उनका पूरा लुंड





अपने फुद्दी में लेने लगी.

मेने राजे को इशारा करके नीचे लिटा लिया और उनके ऊपर ा कर उनका औज़ार अपने फुद्दी में लेकर उनके लुंड पर कूदना शुरू कर diya.Mera साजन भी नीचे से धक्के लगा कर छोड़ने लगा मुझे ज़ोर





से .आधे घंटे की ताबड़तोड़ चुदाई के बाद मामाजी के लोडे ने अपना सफ़ेद तरल पदार्थ मेरे प्यासे फुद्दी में छोड़ कर मुझे तृप्त कर दिया.

में भी उनके साथ hi झाड़ गयी थी .

और जब साजन का लोढ़ा अपना प्यार मेरे फुद्दी में छोड़ने के बाद मेरी गुफा से बहार निकला

तो मेरी गुलाबो से राजे का सफ़ेद तरल पदार्थ और मेरी छुम का मिक्सचर





,bahr tapkane laga.

Chudai ke bad hum donon ek duje ki bahon mein let kar pyar karne lage, chumne lage ek duje ko.

Mamaji ne mujhe chod kar mujhse puchha kyon baby maza aaya apne mame se chut marwa kar.

Mene kaha mamaji,mere sajan,ajj tum ne apni bhanji cum lugai ko zannat ki sair karva di.

Ab mujhe chod kar tumne apni bhanji ko apni lugai bana liya hai.

Ab kamre ke andar me tumari lugai hu aur tum apni lugai ki jab marzi jese marzi chut mar sakte ho kamre ke andar.

Mene apne sajan se fudda marva kar 100 💯 percent swad liya aur Isike sath ye update bhi 💯 percent complete hoti hai.

Adding poem written by my lovely friend/sister Arushi 👇

मिलन की घड़ी आ रही थी

बदन में mere मस्ती छा रही थी

साजन ने आके घूंघट उठाया

चौडे से सिने पे कसके दबाया

होंठो पे मेरे होंठो को लगया

चोली के ऊपर से चुची को दबया

कपड़े utar गए दोनों के सारे

आँखों से हम एक दूजे को निहारे

देख के लौड़ा मैं रह गई दंग

लग रहा जैसे कोई काला भुजंग

हाथ में पकड़ते ही मैं तो हिल गई

गर्मी से उसकी मेरी चुत पिगल गई

बिस्तर पे साजन ने मुझको लिटाया

फिर खोल के मेरी जांघो को फेलया

चुत की फांको पे लौड़े को रगड़ा

पेल दिया पूरा देके धक्का तगड़ा

दर्द से मेरे आंसू निकल गए

देख के पीड़ा साजन पिगल गए

प्यार से मुझको फिर चुम के बोले

लगा unga धक्का अब होले होले

पीड़ा तो कब से मस्ती में बदल गई

मुँह से मेरे सिसकी निकल गई

खनकती थी पायल बजती थी चूड़ी

चुदाई के नशे में मैं खोई थी पूरी

पूरा जड़ तक अंदर घुसा दो

Kali से मुझे tum फूल बना दो

तुम्हारी प्रेमिका मुझको बन के है रहना

ये भयानक लौड़ा है ,अब मेरा गहना

हर रोज अब mujhe चाहिए चुदाई

चाटुंगी सारी मैं इसकी मलाई

पूरी रात साजन ने जम के बजाई

चुत chudi मेरी और गांड भी मरवाई

अंग अंग मेरा दे रहा था गवाही

बिस्तर पे मची thi जम ke तबाही

उस रात की है ये अद्भुत कहानी

मेरे हर छेद से बह रहा था पानी

चुद चुद के निखर आई है मेरी जवानी

अपने साजन की है ये "आरुषि"दीवानी

Friends kindly like reply nd comments kro 🙏🙏🙏

Raji aapke pyar ke intzar me

To be continued
 
अपडेट. -. 100 चंडीगढ़ का टूर-11 हरप्रीत का माहि से रोमांस 🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹

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कहानी एक बार फिर पास्ट से प्रेजेंट में आती है.

हरप्रीत ने अपने फर्स्ट टाइम सेक्स की कहानी काम्य हीरोइन को सुनाई.

काम्य की ज़ुबानी:

मेने कहा मुझे लगता है के ननद रानी तुम अपनी फर्स्ट टाइम सेक्स की इतनी कामुक कहानी सुना कर.

मेरी तपस्या भांग करके hi डैम लोगी.

चलो जब तक वह नहीं होता मुझे अपने फुद्दी से तो प्यार करने दो.

ऐसा बोलकर मेने हरप्रीत को पकड़ लिया और उसको हुग करके उसके मुम्मे दबाते हुए उसके फुद्दी में अपनी फिंगर्स दाल दी.

हरप्रीत ने भी मुझे हुग karke,meri छूट में अपनी एक फिंगर दाल कर कहा, भाभी तुम्हारी फुद्दी को अब लोढ़ा चाहिए.

अगर तुमने सुच मच सकूँ लेना है तो में अपने भाई को बुला कर तुम्हारी इंट्रो करवा दूंगी उस से.

और अगर इंट्रो तुम को पसंद आयी और शादी हो गयी तुम दोनों की .

तो में खुद सुहागरात समय तुम्हारी छूट में अपने भाई का लोढ़ा डलवा कर तुम को तृप्त करवा दूंगी.

और हम दोनों ननद भाभी तो जैसे अब सकूँ ले रहे hai,sari ज़िन्दगी लेते hi रहेंगे.

लेकिन असली मज़ा तो तुम को मेरे कुलदीप भय का बिग लोढ़ा hi प्रदान कर सकता है.

और में सूरे हु के अगर तुम ने मेरे भय का लुंड एक बार ले लिया अपनी छूट में तो तुम ने उसको हमेशा अपनी छूट में hi रखना है.

काम्य: वह तो ठीक है लेकिन तुम तो बहुत अग्गेय की सोच रही हो.

हो सकता है में तुम्हारे भय से इंट्रो कर लू इस ट्रिप पर लेकिन शादी के लिए तो मुझे सलाह मशविरा करना पड़ेगा.

जब हम सोलन में स्वप्न रिसोर्ट पर जायेंगे घूमने तब तुम , बुला लेना अपने कुलदीप भय को वहां .

वहां पर बाकि सब लोग उस से आम इंट्रो कर लेंगे और में खास कर लुंगी.

लेकिन में चाहती हु के सोलन रिसोर्ट में जाने से पहले तुम मेरे माहि भय से सेक्स चाट बगैर करलो .

और क्या तुम ,हम दोनों भाई बहन को कही घुमा कर कोई पिक्चर बगैर नहीं दिखा सकती अज्ज.

घूम कर पहले अच्छे से इंट्रो कर लेना तुम माहि के sath,sidha hi थोड़ा उसका लुंड डलवा लोगी अपने फुद्दी में.

में भी तुम्हारे साथ रह कर माहि से तुम्हारी इंट्रो में हेल्प कर दूंगी.

पहले तुम मेरे और मेरे भय के साथ घूम लो.

बाद में मरवा लेना उस से छूट.

और फिर में तुम्हारे और तुम्हारे भय के साथ घूम लुंगी .बाद में शायद शादी भी कर लूँ उस से.

हरप्रीत: क्यों नहीं में घूमने ले जाउंगी अज्ज तुम दोनों भाई बहन को.

लेकिन वैसे घूमना तो जीजू को चाहिए अपनी साली को.

पिक्चर भी दिखा दूंगी.

वैसे थोड़ी इंट्रो तो मेरे से कर्ली थी तुम्हारे भय ने जब तुम सब ने मेरे साथ यहाँ स्टे किया था.

काम्य: अरे घुमायेगा तो तुम्हारा जीजू hi हम दोनों को.

मेने तो तुम को सिर्फ कंपनी देने के लिए कहा था.

ये तो अंडरस्टुड है के जब माहि साथ जायेगा तो जेब तो ढीली वही करेगा.

लेकिन जब माहि ने तुम पर हाथ फेरा था तब तुम सोने का नाटक कर रही थी.

तुम दोनों को अब रूबरू होकर प्यार करना है.

हरप्रीत: ठीक है yar,me चाट करके बुला लेती हु माहि को अपने पास.

देखती हु बात karke,vah घूम न भी चाहता है मेरे साथ.

काम्य: तुम जैसी गोरी चिट्टी पताका नर्स से कौन बॉय नहीं घूमना चाहेगा.

तुम एक बार ऑफर तो करो वो तो भगा चला आएगा.

हरप्रीत: ठीक है यार , अगर तुम चुप करोगी तभी तो बात करूंगी न माहि से.

मेने माहि को मश्ग किया: hello माहि कैसे हो डिअर.

माहि: hello beauty,thik हु में तुम बताओ किसी हो और कैसे यद् किया.

हरप्रीत: तुम नहीं जानते क्यों यद् किया.

एक लड़की क्यों यद् करती है किसी हैंडसम लड़के को.

मेने सोचा तुम मेरे शहर में आये हो तुम को अपना सिटी दिखा दू.

कल तो तुम हमको सोलन घूमने लेकर जा रहे ho,ajj में तुमको चंडीगढ़ घुमा देती हु.

माहि: यार तुम तो बहुत अच्छी हो.

पहले तुम ने हम सब को अपने हॉस्टल में नाईट स्टे करवाया ,अब मुझे भी घूमना चाहती हो.

घूमने तो में चलूँगा लेकिन ये तो तुम जानती hi होगी के साली पर कुछ हक़ भी होता है जीजू का.

क्या तुम वो हक़ ऐडा करने के लिए त्यार हो.

हरप्रीत: क्यों मेरी रूबी बहन क्या हक़ ऐडा करने में कोई आना की करती है.

वैसे थोड़ा स्वाद तो ले लिया था तुम ने साली के साथ सुबह कमरे में ा कर.

हक़ के वारे में पूछा नहीं जाता वो तो बस ले लिया जाता है.

माहि: तुम्हारी रूबी बहन अपनी जगह पर है.

और साली अपनी जगह पर.

वैसे बस उसी तरह का थोड़ा हक़ ऐडा करना है तुमको जैसा उस दिन सुबह किया था.

और काम्य भी क्या तुम्हारे पास hai,vah भी जाएगी हमारे साथ.

हरप्रीत: है तुम्हारी बहन को भी ले चलेंगे साथ.

में तो कमी को अपनी भाभी बनाने की भी सोच रही हूँ.

हक़ ऐडा करने वाली जगह पर लेकर चलोगे तो शायद वो भी ऐडा कर दूंगी में है है.

और क्या हक़ ऐसे hi जाता डोज कुछ शॉपिंग 🛒 नहीं करवाओ गए अपनी साली को.

माहि: ये तो काम्य दीदी hi फैसला करेगी के उसने तुम्हारी भाभी बन न है या नहीं.

ले चलूँगा में तो साली को जहाँ वो कहेगी.

पहले हम लोग सोलन की स्वप्न रिसोर्ट में भी तुम्हारी चॉइस पर hi घूम ने जा रहे है कल को.

तो अब क्यों नहीं तुम्हारी चॉइस की जगह पर जायेंगे.

और शॉपिंग भी जरूर करवा ूँगा में अपनी साली को.

ठीक है फिर तुम और काम्य त्यार रहना में आता हु तुम को पिक उप करने.

थोड़ी देर बाद माहि हरप्रीत के हॉस्टल रूम में पहुँच गया.

कमरे में काम्य और हरप्रीत बैठी थी. काम्य उठ कर दूसरे कमरे में चली गयी ये बोलकर के में पानी लेकर आती हु.

माहि ने देखा के हरप्रीत ने एक छोटा सा टॉप और छोटा सा स्कर्ट पहना हुआ था जिसमे उसके मुम्मे & गांड साफ दिख रहे थे.

उसने हरप्रीत को पकड़ कर चूमा , चूतड़ों को दबाया और किसिंग करने लगा.


हरप्रीत ने भी उसको चुम कर कहा तुम्हारी बहन यहीं है.

माहि ने कहा मेरी बहन से कोई शर्माने की जरुरत नहीं है ,उसके विचार तो बहुत खुले हुए है.

रूबी भी नहीं शर्माती उस से.


हरप्रीत ने कहा ,अब चल तो रहे है घूमने वहीँ किसी परदे वाली जगह पर मसल लेना मुझे.

तुम तो नहीं शरमाते अपनी बहन से लेकिन मुझे थोड़ी झिझक है काम्य से अभी.


.तभी काम्य पानी लेकर अंदर ा गयी और पानी पीकर तीनो हॉस्टल से बहार ा गए.

अब कहानी काम्य की ज़ुबानी:

माहि हमको लेकर मॉल में पहुंचा, तो हरप्रीत ने पूछा यहाँ क्यों ले ए जीजू तुम हमको.


में उसके कान में बोली ,पहले तुम्हारे जीजू तुम को उन्देर्गर्मेन्ट्स पहन आएंगे यहाँ मतलब शॉपिंग करवाएंगे.

फिर थोड़े तो कपडे तुम्हारे सिनेमा हॉल में उतरेंगे और कम्प्लीटली स्वप्न रिसोर्ट में उतरेंगे, तुम्हारी छूट मरने से पहले.


हरप्रीत ने हंस कर मुझे चुम कर कहा, तुम को बहुत नॉलेज है.

मेने फिर कान में कहा, क्यों ननद रानी तुम्हारा फुड्डा तो त्यार है न अपने जीजू का लोढ़ा डलवाने के लिए.

हरप्रीत ने कहा डलवा लुंगी अगर तुम हाथ से पकड़ कर डालोगी अपने भय का लोढ़ा मेरी छूट में.


मेने कहा, अब मुझे अपनी परहैप्स होने वाली ननद की डिजायर तो पूरी करनी hi पड़ेगी.

अगर तुम अपने जीजू का लोढ़ा डलवाने के लिए त्यार हो तो में भी पकड़ कर तुम्हारे फुद्दी के छेड़ पर रखने के लिए त्यार हु.

ऐसे hi बाटें करते हुए सब लोग शॉप पर पहुँच गए.

माहि ने बहुत कॉस्टली डिज़ाइनर ब्रा ,पेंटी और निघ्त्य गिफ्ट कर दी हरप्रीत को.

हरप्रीत ने मुझे कहा तुम नहीं लोगी.

मेने कहा मुझे तो मेरे भय ने शादी समय बहुत दिलवाई हुई है.

अब तो तुम्हारा ोक्सासिओं है, और ये शॉपिंग तुम्हारे जीजू ने तुम को खास ोक्सासिओं के लिए करवाई है.

हरप्रीत समझ गयी खास occasion(sexual intercourse)ko और सोचकर थोड़ा शर्मा गयी.

तभी सेल्स गर्ल ने उसको कहा मैडम तुम अपने हुब्बी के साथ केबिन में जा कर चेक करलो साइज बगैर.

मेने भी स्माइल करके कहा चले जाओ तुम दोनों केबिन में.

तो दोनों केबिन में पहुँच gye,me उनको बहार से देख ने लगी.

माहि ने हरप्रीत को हुग करके चुम ते हुए कहा, बेबी अगर तुम पहले कपडे उतरेगी तभी तो नए पहना पाउँगा में तुम को.

हरप्रीत ने कहा यार मुझे तो बहुत शर्म आयी जब सेल्स गर्ल ने तुम को मेरा हुब्बी कहा.

अब कपडे तुम hi उतर दो और तुम hi पहना देना ,मुझे तो बहुत शर्म आती है.

माहि: यार जब तक में तुम्हारे साथ हु इस ट्रिप पर, तब तक तुम्हारा हुब्बी hi तो हु.

तो हुब्बी से लुगाई को किसी शर्म.

ऐसे बोलकर माहि ने उसका स्कर्ट टॉप उप्पर करके उसके मुम्मे दबा दिए और किश





करने लगा. माहि तो उसके गोर चित्ते गुप्तांग देख कर हैरान हो गया. और बहुत प्यार से पहले उसके मुम्मे दबाये, मसाले फिर चूमने लगा उसको.

बहुत ज़ोर से किसिंग करने लगा उसको, हरप्रीत भी किसिंग में उसका साथ देने लगी.





माहि ने अपने लोडे पर उसका हाथ रख दिया और हरप्रीत भी उसका लुंड दबाने लगी.

बहुत प्यार से उसके लुंड पर हाथ फेरने लगी और कहने lagi,ji राजे अब केबिन में इतना प्यार बहुत है बाकि का खेल मेरे साथ सिनेमा हॉल में खेल लेना.

माहि ने उसका फुड्डा मसलते हुए कहा, ठीक है बेबी 🐥 जैसा तुम कहो.

लेकिन ये तो बताओ तुम्हारी छूट इतनी गीली कैसे हुई पड़ी है.

हरप्रीत ने कहा कब से तुम मेरे फुद्दी से छेड़ कहानी कर रहे हो और में तुम्हारा लुंड दबा रही हु





तो वेट तो होगी hi मेरी गुलाबो.

और कहा बस अब पहना दो मुझे अपना गिफ्ट , यहाँ और लालच मत करो.

और लोडे को दबा कर कहा देखो कैसे लोहे की रोड की तरह खड़ा है.

माहि ने कहा इतनी गोरी चिट्टी ब्यूटीफुल गर्ल को देख कर तो किसी नामर्द का भी लोढ़ा खड़ा हो जाये में तो मर्द हु.

ऐसा बोलकर उसने हरप्रीत को गिफ्ट वाले कपडे पहना दिए.

लेकिन उसने कहा इतने ब्यूटीफुल मुम्मो से एक बार तो प्यार करने दो यार ,बहार जाने से pehle.Aur एक बार फिर हरप्रीत के मुम्मे दबा दिए और उसके





गल्ल चुम लिए.

केबिन से बहार ा कर वो दोनों काम्य के साथ सिनेमा हॉल की तरफ चल पड़े.

रस्ते में काम्य ने हरप्रीत के कान में कहा, बहुत अग्ग लगी हुई है ननद रानी तुम्हारे फुद्दी में.

बहुत चिपक रहे थे तुम दोनों केबिन में.

हरप्रीत ने कहा तुम फ़िक्र मत करो भाभी तुम को भी ऐसे hi शॉपिंग 🛍️ करवाएगा मेरा भाई.

फिर तुम भी ऐसे hi चिपको गई उसके साथ और में केबिन के बहार कड़ी होकर देखूंगी जैसे तुम अज्ज देख रही थी.

ऐसे hi बाटें करते हुए तीनों सिनेमा हॉल में पहुँच गए.

भीड़ में माहि ने हरप्रीत के चूतड़ों को मसल diya,apne





दोनों हाथ मर दिए अच्छे से उसके चूतड़ों पर.

तीनो सिनेमा हॉल में कोने की सीट्स पर बेथ गए.

हरप्रीत माहि के साथ और काम्य हरप्रीत के साथ.

जैसे hi लाइट्स ऑफ हुई माहि ने अपना हाथ हरप्रीत की जांघ पर रख दिया और धीरे धीरे उसका फुड्डा सहलाने लगा.





हरप्रीत ने भी अपना हाथ माहि के लुंड पर रख लिया और दबाते हुए उस से पूछा ये तुम मेरे चूतड़ों को बहुत मसल रहे थे बाहर ऐसा क्यों.

क्या तुम को पसंद है मेरी गांड.

माहि ने kaha,ji बेबी बहुत पसंद hai,marva ोगी अपनी गांड रिसोर्ट में मुझसे.

हरप्रीत ने कहा पहले मेरे फुद्दी की अग्ग तो bujhao,baad में देखूंगी गांड के वारे में

ऐसा बोल कर वह ज़ोर से माहि के लुंड की मुठ मरने लगी और माहि उसकी छूट





में फिंगरिंग करने लगा.

फिंगरिंग से वह बहुत गर्म हो गयी और सिस्किअ लेने लगी cccccçccccc उफ्फ्फफ्फ्फ़ रजिएए महीईईईई iiiiiiiiiiii राजेईईईई.

बहुत मज़ा ा रहा hai,aise hi मसलो मेरा फुड्डा.

ऐसा बोलते हुए उसने बेतहाशा छूट रास निकल दिया.

अब माहि ने उसको अपने लुंड पर झुका लिया और हरप्रीत उसका लोढ़ा चूसने lagi.Kafi देर बाद माहि का लुंड छूट गया और उसने सफ़ेद लिक्विड से हरप्रीत का





मुँह भर diya.Dono तृप्त हो गए.

माहि ने हरप्रीत से पूछा क्यों बेबी स्वाद आया अपने यार छुम जिजे का वाइट लुंड रास पीकर.

हरप्रीत ने कहा जी राजे मुझे 💯 परसेंट कम्पलीट स्वाद आया और इसके साथ ये अपडेट भी 💯 परसेंट कम्पलीट होती है.

फ्रेंड्स काइंडली लिखे रिप्लाई ंद कमैंट्स करो 🙏🙏🙏


राजी आपके प्यार के इंतज़ार में

तो बे कॉन्टिनोएड
 
अपडेट. -. 101. चंडीगढ़ का टूर-12 माहि की सेकंड सरप्राइज सविता के साथ इंट्रो .

Suman's फ्रेंड 👇सविता (नई एंट्री)





हरप्रीत से सिनेमा हॉल में इंट्रो करने के बाद दोनों बहन भाई मतलब हीरोइन काम्य और हीरो माहि घर वापस ा गए.

घर पहुंचकर drawing-room में बेथ गए तो अमन चची और रूबी उनके लिए चाय लेकर आयी.

सब ने चाय पि.

काम्य चाय पीकर चली गई .

अमन चची ने माहि से kaha,me तुम से बहुत नाराज हु.

तुम ए तो मेरे पास हो और घूम रहे हो हरप्रीत के साथ.

रूबी ने कहा चची अज्ज रात हम दोनों तुम्हारी hi सेवा करेंगे.

गुस्सा क्यों करती हो मेरे माहि पर.

अगर हरप्रीत (सुमन की सरप्राइज) की बात न मंटा माहि तो सुमन गुस्से हो जाती.

और मुझे तुम ने एक आर्ट भी सीखनी है के औज़ार को कैसे कण्ट्रोल करना है अंदर लेने के बाद.

.ये तुम्हारी मर्ज़ी है वो आर्ट तुम यहीं सिखाओ या सोलन की रिसोर्ट में चल कर सिखाओ.

अमन कौर चची: सोलन तो तुम बचे hi चले जाना.

कल तुम्हारे चाचा जी ने भी आना है तो उनको मुश्किल होगी बाद में.

वैसे तुम माहि से कुछ ज्यादा hi प्यार करती हो.

ऐसे तो मर्दों को नखरे उठाने पड़ते है औरतों के.

ऐसे hi थोड़ा मर्दों को मिल जाते है औरतों के छेड़.

मेने तो बस मज़ाक किया था अपने यार से.

रूबी: चची यार कल रत तो तुम से पूछ कर hi गए थे सुमन की फ्रेंड हरप्रीत के साथ नाईट स्टे करने .

और अज्ज रात तुम्हारे साथ सो जायेंगे हम दोनों.

में तुम्हारे रोमांस में कोई दखल नहीं दूंगी.

तुम ले लेना जैसे मर्ज़ी मेरे माहि का औज़ार अपने छेदों में.

लेकिन अगर तुम सोलन नहीं जा रही तो फिर अज्ज रात hi सीखा देना मुझे वो आर्ट के कैसे हथियार को कण्ट्रोल करना है अंदर लेने के बाद.

अमन: हथियार को अंदर होल्ड करने की और अपने हिसाब से कण्ट्रोल करने की आर्ट तो में तुम सीखा दूंगी.

लेकिन मुझे पहले अपने यार से प्यार करना है.

तुम ऐसा करना पहले बाथरूम से hi हमारा मिलान देखना और जब माहि के सांप ने मेरी गुफा की सैर कर ली. उसके बाद लेट जाना ा कर हमारे sath,mard के औज़ार के साथ एक औरत कैसे अपनी मर्ज़ी से खेलती है वाली आर्ट सीखने के लिए.

तुम्हारी हज़ारी में ,में अपने यार का हथियार अच्छे से नहीं ले पाऊँगी अपने छेदों में.

मेने बहुत लंबाआआ इंतज़ार किया है माहि के सांप को अपने छेदों की सैर करवाने के लिए.

वो रेशमा का गण है न:

चार दिनों का मेल वे रुब्बा

फिर lambiiiiiiiiiiiii जुदाई..........

इसीलिए अब मुझे आराम से प्यार करने देना तुम मेरे यार से मतलब अपने हुब्बी से.

रूबी: ठीक है चची जैसी तुम्हारी मर्ज़ी.

मेरी कजिन सुमन दिखाई नहीं दे रही, कहा चली गयी.

अभी तो रात में बहुत समय है, थोड़ी देर सुमन से hi बात कर लेता मेरा माहि, बहुत यद् करता रहता था उसको भी.

अमन: यार अब क्या कहु तुम ko,itna प्यार है तुम्हारे और माहि के बीच.

तुम कितना ख्याल रखती हो अपने हुब्बी का.

मुझे तो माहि से जेएलओसी होने लगती है, सोचती हु के में माहि की जगह hi होती.

सुमन अपनी किसी और नर्स फ्रेंड सविता से मिलने गयी है.

सविता ने देखा होगा माहि को हरप्रीत और तुम्हारे साथ हॉस्टल में, तभी से वह सुमन से बात करना चाहती थी.

शायद सेकंड सरप्राइज बन जाये माहि के लिए सविता.

वैसे तुम को उडीक उडीक कर hi गयी है.

जैसे माहि बेचैन है उस से मिलने के liye,vese hi सुमन के छेड़ भी बहुत फड़फड़ा रहे हैं माहि के सांप को अंदर लेने के लिए.

अभी बाटें चल hi रही थी के रूबी की कजिन सुमन ा गयी.

अमन बहुत समझदार है ,उसको पता था के माहि ने अब सुमन को मसल न होगा इसलिए उठ कर चली गई.

सुमन ने आते hi माहि पर भड़क कर kaha,jao में नहीं बोलती तुमसे.

ए तुम हमारे पास हो और मुझे अच्छे से मिले भी नहीं अभी तक.

रूबी ने उसको पकड़ कर माहि की गोद में बिठा दिया और कहा यार गुस्सा क्यों करती हो मेरे हुब्बी पर.

लो अब मिल लो मेरे साजन मतलब अपने जीजू से.

रूबी उसको माहि के लुंड पर बिठा कर ड्राइंग रूम से चली गयी.

माहि ने कहा यार इतना गुस्सा कहे कर रही हो.

तुम ने hi भेजा था मुझे सरप्राइज के पास.

सुमन: यार पता नहीं तुम में कोई सम्मोहन शक्ति है जिसको भी मिलते हो उसको अपना बना लेते हो .

उसने अपना फुड्डा माहि के लुंड पर रगड़ ते हुए कहा.

सरप्राइज के पास भेज तो दिया मेने तुमको.

लेकिन मुझे क्या पता था तुम जादूगर हो, या तुम्हारे हथियार पर चुम्बक लगी है.

हरप्रीत पर बहुत लोगों ने तरय मरी थी लेकिन इसने किसी को घास नहीं डाली थी.

लेकिन तुम्हारा सांप अपने बिल में लेने के लिए तड़प रही है वह.

अब हरप्रीत तो तुमसे सम्भोग के लिए मरी जा hi रही है .

पर अब मेरी एक और नर्स सहेली तुम से मिलना चाहती है.

सविता नाम है उसका, उसने जब से तुमको और काम्य को हरप्रीत के साथ देखा है उसकी छूट भी गीली होने लगी है.

ये भी मेरी उन कुछ खास फ्रेंड्स में से है जिसने कभी किसी को अपने ऊपर हाथ नहीं रखने दिया .

लेकिन मुझे लगता है के सविता भी तुम्हारे नीचे लेट hi जाएगी.

अभी उसके पास से hi ा रही हूँ.

वह भी तुम से मिलना चाहती है और तुम समझते hi होंगे के क्यों मिलना चाहती है.

मुझे लगता है के वह तुम्हारी सेकंड सरप्राइज बन न चाहती है.

अभी पुचका तो नहीं कह सकती के वो तुम्हारे सांप को अपने बिल में जगह देगी या नहीं, लेकिन ऐसा हो भी सकता है.

अब अगर तुम मेरी फ्रेंड्स को hi घूमते रहोगे तो मेरे छेदों को कब सकूँ डोज.

मेरे छेड़ तो कब से तुम्हारे सांप के लिए तड़प रहे है.

माहि उसके बूब्स दबाने लगा और अपना लोढ़ा उसके हाथ में पकड़ा दिया.

किसिंग शुरू कर दी .

उसकी पेंटी एक तरफ करके लोढ़ा उसके फुद्दी के छेड़ पर लगा दिया.

सुमन ने kaha,yar drawing-room में नहीं ठीक आएगा ऐसे .

यहाँ तो कोई भी निगहबॉर ा सकता है.

रात को ा जाना मेरे कमरे mein,ya में ा जाउंगी.

अभी तुम को सेकंड सरप्राइज के पास ले चलती हु उसके साथ इंट्रो करवा देती हु.

इंट्रो के बाद उसके साथ अग्गेय के सफर के वारे में पता चल जायेगा.

माहि: बेबी कल हम चल तो रहे है स्वप्न रिसोर्ट में, वहां प्यास बुझा दूंगा तुम्हारी.

अज्ज रात तुम्हारी मम्मी से मिलान करना है चूँकि अमन चची नहीं जाएगी सोलन हमारे साथ.

मिल लेते है सविता को भी और अगर उसने रिस्पांस दी तो उसको भी सोलन ले चलेंगे कल को.

सुमन 👇: ठीक है जीजू यार





duplicate email finder

,मेने माहि का लुंड मसल कर कहा.

मेरे छेड़ तुम्हारे सांप से सोलन में hi कर लेंगे मिलान.

तो चले मेरी सेकंड सरप्राइज के pass,uske हॉस्टल रूम में.

दोनों साली jija,ek दूजे पर हाथ फेर ते हुए, सविता के हॉस्टल में पहुँच जाते हैं.

सविता 👇 ने खड़े होकर





Mahi ke sath hug kiya thoda chipak kar,bas us se jyada kuchh nahi.

Mahi ne man mein socha ke kuch mushkil lagta hai kaam.

Lagta hai thodi jyada mehant karni padegi Savita ko rijhane ke liye.

Aur usne writer Raji ki saheli Arushi ki likhi hui poem ka ullekh kiya 👇

Har औरत बिंदास होती है

उसको होठों को भी प्यास होती है

वो बस डरती है जमाने की तोहमतो से

वरना उसको भी मजबूत मर्द से ठुकने की आस होती

है

Savita ne kaha chalo mess mein chalte hai chai peene, vahin par beth kar battein karenge .

Tino mess ki taraf chal pade.

Raste me Mahi ne halka sa hath fer diya Savita ke chuttadon par.

Savita ne koi khas react nahi kiya bas thoda dekha Mahi ki taraf.

Mess mein table par beth kar chai ka order de diya Savita ne.

Mahi ne baat shuru ki ke kesa kaam hai tumara , kahan duty karti ho.

Savita ne kaha meri gynae me duty hai aur delivery karti hu mein.

Mahi ne kaha bahut achha kam kar rahi ho tum, garbhwati aurton ko relief dekar.

Savita ne Mahi ke kaam ke vare mein us se puchha .

Mahi ne bata diya ke Simcosys company mein manager ki post par kaam karta hu.

Savita bahut impress ho gyi jab usne manager ki post par kaam karne ke vare mein suna.

Aur kehne lagi wow, itni chhoti age mein manager ka rank to bahut badi baat hai.

Fir Mahi ne kaha agar tum chaho to kal hamare sath chal sakti ho Solan ghum ne ke liye.

.Humne Solan ghum kar aane ka program banaya hai.

Savita ne Suman ko kaha, tum ko pehle batana chahiye tha ab ekdum kese ja sakti hu me.

Suman ne kaha aisi kya tyari karni hai tumko ,bas warden se chhutti le lo application dekar.

Mahi ne kaha mujhe lagta hai ke Savita ji ko dar lagta hai hamare sath jane mein.

Savita ne kaha ,nahi yar me darti nahi hu.

Achha ye batao aur kaun jayega hamara sath.

Suman ne kaha, meri behan,Mahi ki behn aur Harprit.

Hum sab 6 log honge, ghumenge aur picnic bagaira mana kar ek do din mein vapas a jayenge.

Savita ne kaha tum to aise baat karte ho jese Swapn resort le chalega Mahi hame.

Mahi ne kaha, agar tum hamare sath jaogi to Swapn resort hi chalenge hum.

Savita ne kaha, tum ko pata hai bahut mehngi hai Swapn resort.

Aur vahan pahle se booking karvani padti hai.

Mahi ne kaha vo resort to tum hamari hi samjho,koi booking ki jarurat nahi.

Tum ha kro baki sab me manage kar lunga.

Savita ne kaha agar ye baat hai to me tyar hu , tumare sath ghum ne jane ke liye.

Kal ko Swapn resort Solan jane ka program banane ke baad Suman aur Mahi,ne Savita se vida li.

Aur ghar vapas a gye.

Jahan Aman saj dhaz kar Mahi se suhagrat mana ne ko tyar ho rahi thi.

Friends kindly like reply nd comments kro 🙏🙏🙏

Ur Raji waiting for ur love

To be continued
 
arushi_dayal

सीस प्लीज व्रिठे तवो बिग पोयम्स ओने फॉर 100 & इतर फॉर 101 updates.Dont बे इन ा हुर्री.
 
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