Kamina Bhai (Completed) - Page 2 - SexBaba
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Kamina Bhai (Completed)

अपडेट 9

नेक्स्ट morning,Aryan सोकर उठा और फ्रेश होने के बाद गयम चला गया. वो फिर से सोचने लगा की अब उसे क्या करना चाहिए. क्या वो आशु को वो कॉल रिकॉर्डिंग सुना कर ब्लैकमेल करे.

" नहीं म ऐसा नहीं karunga,mujhe उसका प्यार चाहिए अब. मुझे अब सिर्फ उसका जिस्म hi नहीं बल्कि रूह भी chahiye,mujhe वो अब पूरी की पूरी chahiye,blackmail करने से तो उसे लगेगा की मेरे मन मई उसके लिए सिर्फ हवस hi है और कुछ नहीं". आर्यन ने खुद से बोलै. तो क्या करू phir,kya आज उसे पर्पस करदु.

" अभी म उसे पर्पस नहीं करता हु, पहले मुझे उस अजय को आशु की लाइफ से दूर करना है". इस तरह सोचता हुआ वो घर वापस आ गया. कुछ टाइम बाद वो रेडी होकर निचे आ गया. उसकी नजरे सिर्फ आशु को hi ढून्ढ रही थी. जब सब नास्ते की टेबल पर बेथ गए-

" मम्मी आशु कहा hai,college नहीं जाना क्या आज उसे". आर्यन ने अपनी मम्मी से पुछा.

" वो रेडी हो रही थी कॉलेज के लिए". अंजलि ने कहा.

"Ashu..Ashu,aaza नास्ता करले". अंजलि ने तेज़ी से बोलते हुए कहा.

"आ रही हु मम्मी". ये कहते हुए वो बहार आयी.

आर्यन तो उसे देखकर अपनी नज़रे hi नहीं हटा प् रहा था. वो आज ब्लैक सूट- सलवार मई थी. एक तो उसका दूध जैसा rang,uska इतना कातिलाना फिगर और ऊपर से उसने ब्लैक सूट पेहेन लिया था. कुल मिलकर आज वो क़यामत लग रही thi.wo चलती हुई आकर चेयर पर बैठी तो उसने आर्यन को खुद को घूरते हुए पाया.

"ो hello,nasta यहाँ है". आशु ने टेबल की और इशारा किया.

आर्यन एक डैम घबरा सा गया जैसे की उसकी चोरी पकड़ी गयी हो. वो नास्ते करते हुए बार बार आशु को hi देख रहा था. आशु ने भी उसे एक दो बार खुद को घूरते हुए पाया. Khair,naste करने के बाद वो जाने लगी तो.

" आशु अपने भाई के साथ jaana,ye hi छोड़ देगा तुझे". अंजलि ने कहा.

" मम्मी इसका कॉलेज दूसरी साइड है फिर ये वह रोज़ क्यों जाता है".

आशु ने नाराज़गी से कहा.

"अबसे तुझे कॉलेज ये hi छोड़ा करेगा और लाएगा भी ये hi,ab लड़कियों का बसों मई जाने का धर्म नहीं है." अंजलि ने कहा.

" लेकिन मम्मी म अब तक बस से hi तो जाती थी न". आशु थोड़ी उदासी स बोली.

" बीटा तुझे कोई प्रोब है kya,is से तो तेरा hi फायदा है. यही से बैठकर जाया कर और यही utrakar,sara झंझट hi खत्म". राजेश उसे समझते हुए बोलै.

" ये आईडिया किसका है". आशु रोनी सी सूरत से बोली.

"तेरे पापा ने डीडे किया hai,wese भी तुम दोनों का 1 साल hi तो रह गया है स्टडी का". अंजलि ने कहा.

"Ok". उसने इतना hi कहा और बहार चली गयी.

बात ये थी की जब आशु अंदर रेडी हो रही थी तो आर्यन ने अपनी मम्मी पापा को अच्छी तरह समझा दिया था की अब लड़कियों का बसों म धक्के खाने का धर्म नहीं है इसलिए वो उसे कॉलेज छोड़ भी दिया करेगा और ले आया भी करेगा.

आर्यन ने बाइक निकली और दोनों कॉलेज के लिए चल दिए. आशु गुस्से मई थी तो बोली-

"क्या ड्रामा है ये सब की तू hi मुझे कॉलेज छोड़ेगा और तू hi मुझे लेकर aayega,bachhi नहीं हु मई".

" मुझे क्या pata,mujhe तो पापा ने कहा तो मेने भी ok कह दिया". आर्यन भोला बनते हुए कहता है.

आशु कुछ नहीं बोली वो नहीं चाहती थी की उसका मूड ख़राब हो.

कॉलेज पहुँचने पर आशु अंदर जाने लगी तो आर्यन ने उस से kaha-"chutti मई किस टाइम लेने औ".

"म खुद आ जाउंगी". आशु उस से बोली.

"Ok,ye बात मम्मी को कॉल करके केहड़े". आर्यन ने अपना दांव खेला.

" ठीक है म तुझे 3 पं पर कॉल करुँगी". आशु उस से बोली.

" ok". ये कहकर आर्यन चला गया .

बूत एक्चुअल मई वो गया नहीं था कॉलेज के सामने hi एक कैंटीन thi,wo जाकर वह बैठा हुआ था.

"यार मुझे ये समझ नहीं आ रहा की अजय को कोई और नहीं मिली क्या जो वो अपनी बहिन के hi पीछे लग गया. कही वो सिर्फ आशु को उसे करने के लिए तो ये सब नहीं कर रहा बकज़ म उसे अच्छी तरह जनता हु की वो प्यार व्यार के चक्कर मई नहीं पड़ता. एक आईडिया तो है ये पता करने का बूत पता नहीं ये काम करेगा या नहीं. बूत तरय करने मई क्या जाता hai."aryan ने खुद से कहा और उठकर बहार चला gaya,usne अपनी बाइक स्टार्ट की और अपने नए no. से अजय को कॉल लगाने लगा. वो बाइक की रेस दिए जा रहा था. अजय ने कॉल उठाया-

अजय- hello कोण.

आर्यन- अबे मई बोल रहा हु कार्तिक.

अजय- कार्तिक tu,teri आवाज़ किसी आ रही है और नंबर किसका है ये.

Aryan(kartik)- अरे yaar,m ट्रैफिक मई फसा हुआ hu,ye no. मेरे दोस्त का है. तू बता क्या हाल है तेरी उस आइटम का.

अजय: आज उस से मिलने hi जा रहा हु कानपूर. साली ने 1.5 साल पीछे भगाया है मुझे, आज उसे ऐसा छोडूंगा की साली की नानी याद न दिला दी तो कहना.

Aryan(kartik)- यार भाई हमारा भी सोच ले कुछ.

अजय- तू टेंशन न ले जिस होटल मई म उसे लेकर जाऊंगा वो मेरे जान ने वाले का hi hai,waha उसकी हर एक चीज़ की रिकॉर्डिंग करूँगा. चिंता मत करो उसे तुम सब से छुडवाउंगा.

आर्यन को बहुत ज्यादा गुस्सा आ रहा tha,uska मन कर रहा था की आज hi साले को जान से मार दू बूत उसने अपने आपको संभाला और कहा

Aryan(kartik)- तो क्या तू उस स प्यार नहीं करता.

अजय: अबे यार तुझे पता तो hai,m किसी से प्यार नहीं कर sakta,m तो उसकी गांड का दीवाना hu,sali बहुत ऐटिटूड दिखती थी न आज उसका सारा घमंड तोड़ दूंगा.

Ajay(kartik): चल ठीक है म कॉल कट करता हु.

अजय: ok

और आर्यन ने कॉल कट करदी. उसे उस वक़्त इतना गुस्सा आया हुआ था की वो सड़क पर इधर से उधर चक्कर काट रहा था.

"Saale,haramzade. तू मेरी बहिन को छोड़ना तो दूर उसकी तरफ आँख भी उठा कर नहीं देख सकता. तूने बहुत बड़ी गलती करदी है आशु के बारे मई ये सब सोच ke,is गलती का अंजाम तो तुझे भुगतना hi पड़ेगा मेरे भाई". अजय ने खुद से कहा और मुस्कुराने लगा.

असल मई हुआ ये था की जब आर्यन को अजय के बारे मई पता करना था तो उसे एक आईडिया आया. अजय का एक जिगरी यार था कार्तिक. दोनों सारे काण्ड साथ साथ करते थे जैसे दारु peena,ladki छोड़ना. तो आर्यन ने सोचा की एक बार कार्तिक का नाम लेकर उस से बात करता हु. उसने उसे सब कुछ बता रखा होगा ,लेकिन वो मेरी आवाज़ पहचान लेगा तब उसे ये आईडिया आया और उसने बाइक स्टार्ट करके उसे ये शो कराया जैसे की वो ट्रैफिक मई hai,aur उसे पता न चले की म कोण हु और उसका ये प्लान काम कर gaya,usne वो सब बाते रिकॉर्ड कर्ली थी. 12 बज चुके थे वो कॉलेज गेट की तरफ एकटक देखे जा रहा था की कब आशु बहार आएगी. कुछ टाइम बाद उसे आशु आती हुई दिखाई दी. वो गेट के बहार कड़ी होकर शायद किसी ऑटो का वेट कर रही थी. आर्यन ने बाइक स्टार्ट की और ले जाकर उसके सामने रोकड़ी. आर्यन को अपने सामने देख आशु बुरी तरह से घबरा गयी.

आशु: tu..tu..ya..yaha..kyaa..kar.. रहा है.

आर्यन: क्या हुआ तू इतनी क्यों घबरा गयी है जैसे तुझे म भूत नज़र आता हु.

आशु खुद को संभालती हुई बोली-

"Nahi...nahi to,bas म तुझे यहाँ एक्सपेक्ट नहीं कर रही thi,tu तो कॉलेज गया था न".

आर्यन थोड़ा स्माइल करता हुआ बोलै- " बस इधर से निकल रहा था तो तू यहाँ कड़ी हुई दिख गयी तो पूछने आ गया की कहा जा रही है".

आशु घबरा जाती है-" wo..wo मई अपनी दोस्त के घर जा रही hi".

आर्यन: चल म छोड़ देता हु तुझे.

आशु: नहीं मई खुद चली जाउंगी.

आर्यन ने सोचा की उसे खुल कर बात करनी hi पड़ेगी उससे

आर्यन: तेरी फ्रेंड का नाम अजय तो नहीं है न.

ये सुनकर आशु एक डैम शॉकेड हो जाती है. और हकलाती हुई कहती hai-"kkk...kya..bakkk...bakwas कर रहा है तू.

आर्यन ने देखा की सब उन्हें hi देख रहे है तो उसने उसे बाइक पर बैठने को बोलै. आशु ने कुछ कहना चाहा बूत फिर वो बाइक पर बेथ गयी. आशु ने बाइक दौड़ाई और थोड़ी दूर पर एक पार्क मई बाइक घुसा दी. आर्यन ने बाइक रोकी और आशु को लेकर एक पेड़ के पास आ गया जिसके नीचे बेंच राखी हुई थी. अब तक आशु ने कुछ नहीं कहा था वो घबरा रही thi.aryan उसके सामने बैठा और कहा-

आर्यन: देख आशु मुझे तुझसे बात करनी hai,but पहले तो तू बिलकुल भी घबरा मत और जो मई पुछु मुझे सच सच बता.

आर्यन: तू कहा जा रही थी.

आशु: बताया ने मेने अपनी दोस्त के घर जा रही थी.

आशु ने धीरे से जवाब दिया.

आर्यन: ok,phone लगा अपनी दोस्त के paas,m भी तो देखु कोनसी दोस्त है वो तेरी. Ashu,mujhe सब पता है तू कहा जा रही थी और kyu,mujhe पागल बनाना बंद कर.

आशु: ky..kya पता है.

आशु कन्फर्म करना चाहती थी की आर्यन को सच मई hi कुछ पता है क्या.

आर्यन: ये hi की तू अजय से मिलने होटल जा रही थी और मुझे ये बताने की जरुरत नहीं है की तू वह क्यों जा रही थी.

आशु ये सुनकर सर झुका कर बेथ गयी और रोने लगी. आर्यन को उसपर बहुत प्यार आ रहा था वो उसे चुप करना चाहता था बूत उसने की नहीं उसे ठोकर लगने देता हु की इस दुनिया मई प्यार व्यार कुछ नहीं है सिर्फ हवस है.

आर्यन: मुझे तुझसे कुछ नहीं kehna,lekin इतना तो जान ले की जिसके कहने पर तू आज अपनी मान मर्यादा तक भूल गयी hai,wo तेरे बारे मई क्या सोचता है.

और आर्यन ने वो रिकॉर्डिंग चला कर आशु के हाथो मई दे दी. जैसे जैसे वो रिकॉर्डिंग सुनती रही उसका शरीर बेजान सा होता raha,wo सुन्न सी हो गयी और मोबाइल भी हाथ से छूटकर गिर गया. और आशु वही बैठे बैठे जोर जोर से रोने लगी. आर्यन ने उसके सर पर प्यार से हाथ फेरते हुए उसे चुप होने को कहा.

आर्यन: आशु चुप होजा. कुछ नहीं हुआ है. सब ठीक तो है न

आशु रट हुए बोली- nahi,sab ठीक नहीं है म उस कुत्ते की बातो म कैसे आ gayi,usne अपनी बहिन की साथ hi ये सब करने की कोसिस की. म तो किसी से आंख मिलाने के काबिल भी नहीं होती आज.

और वो फिर से रोने लगी.

आर्यन: चुप हो जा na,kyu रो रही है tu,life मई ऐसे इंसिडेंट होते रहते hai,is तरह रोने से कुछ हासिल नहीं hoga,bahadur बनो ताकि कभी ऐसा मौका आये hi न.

आशु: तूने किसी को बताया तो नहीं है.

आशु ने रट हुए उस से पूछा.

आर्यन ने उसे प्यार से समझते हुए कहा-: आशु तू पागल हो गयी है kya,m क्यों किसी को बताऊंगा ,तू तो हमारी जान है.

आशु ने ये सुनकर आर्यन को गले से लगे लिया और बोली-

आशु: ठंकु bhai,tune मुझे बचा लिया वर्ण पता नहीं मेरे साथ क्या क्या होता.

आर्यन: बस कर ab,chal घर चलते hai,apne आँशु पूछ और मुँह धोकर आ.

आशु चुप हो गयी और पास hi लगी तप पर मुँह धोने चली गयी. आर्यन उसे मुँह धोते हुए देख रहा था और खुद से बोलै-" आशु तू इतनी समझदार होते हुए भी उसकी बातो मई कैसे आ gayi,puchhu उस से या नहीं. नहीं अभी नहीं पूछता अभी उसका मूड भी ऑफ है फिर पूछूंगा".

आशु मुँह धोकर आयी तो उसका फ़ोन बजने लगा. अजय का कॉल tha,Ashu के चेहरे पर गुस्से के भाव आ gaye,Aryan ने ये देखा तो उसने मोब लेकर कॉल पिक की.

अजय: कहा हो यार tum,m कब से वेट कर रहा हु तुम्हारा.

Aryan(gusse म): साले बस, अगर आज के बाद तूने आशु के पास कॉल की न तो तुझे जान से मार दूंगा. और अगर इतनी hi आग है न तो अपनी बहिन को छोड़ ले जाकर.

अजय आर्यन की आवाज़ सुनकर घबरा गया और कॉल कट करदी. आशु आर्यन को देख रही थी की उसे कितना गुस्सा आ रहा है. आर्यन ने उसकी और देखा और नार्मल होते हुए उसे घर चलने को kaha,wo दोनों वह से घर के लिए निकल गए.
 
अपडेट 10

घर पहुंचकर उन्होंने बेल्ल बजायी. अंजलि ने गेट खोला और उन दोनों को देखकर बोली-" क्या हुआ तुम दोनों इतनी जल्दी कैसे आ गए".

आशु ने जल्दी से कहा-" मम्मी मेरी तबियत थोड़ी ख़राब थी इसलिए हम जल्दी आ गए".

अंजलि ने फिक्रमंदी से पूछा-" क्या हुआ तुझे".

और उसके माथे पर हाथ लगाकर देखने lagi,tab आशु बोली-" मम्मी फीवर नहीं hai,bas थोड़ा हेडाचे hai,thodi देर आराम करुँगी तो ठीक हो जाएंगे.

अंजलि- चल ठीक hai,tu ऊपर जाकर आराम kar,m ऊपर hi तेरे लिए खाना लती हु.

खाना खाने के बाद आर्यन भी अपने कमरे मई आराम करने के लिए आ गया. आशु तो पहले से hi अपने कमरे मई थी. कुछ देर बाद आशु उठकर आर्यन के कमरे मई आ gayi,us वक़्त आर्यन कुछ सौचते हुए छत को घूर रहा था.

आशु: क्या hua,tu इतनी गहरायी से क्या सोच रहा है.

आर्यन: कुछ nahi,tu तो सो रही थी न तो फिर.

आशु: मुझे नींद नहीं आयी तो तेरे पास आ गयी.

आर्यन: ाज़ा बैठ जा.

और वो जाकर बीएड पर बेथ गयी. दोनों चुप थे उन्हें समझ नहीं आ रहा था की क्या बाते kare,tab आशु ने बात शुरू की.

आशु: आर्यन तुझे कैसे पता चला हमारे बारे मई.

आशु नज़रे झुका कर बोली.

आर्यन: सबसे पहले तो तू ऐसा बेहवे करना बंद कर की जैसे पता नहीं तूने कितना बड़ा गुनाह कर दिया हो. आशु ये सब होता है लाइफ mai,par इसका मतलब ये नहीं है की हम सिर्फ उस बात को hi पकड़कर बैठ जाए. उन बुरी बातो को यादें समझकर भूल जाना चाहिए और लाइफ मई आगे बढ़ना chahiye,smajhi".

आर्यन ने उसे समझते हुए कहा और आशु ने गर्दन को है मई हिलाते हुए kaha-"ha". तब आर्यन ने उसे साड़ी बात बता दी कैसे उस रात उसका फ़ोन baja,usne उन दोनों को बाते करते सुना. कैसे उसने अजय का भंडाफोड़ किया.

तब आशु ने नॉटी से स्टाइल म कहा: तू मुझ पर जासूसी कर रहा था.

आर्यन: अगर मुझे कभी भी लगा की मेरी स्वीट सी बहिन गलत रास्ते पर जा रही है तो म जासूसी करने से पीछे नहीं हटूंगा."

आर्यन ने ये सब बहुत प्यार से kaha,to आशु ने कहा-" क्या बात है आज तो बहुत प्यार आ रहा है अपनी बहिन par,warna तू तो हमेशा मुझसे लड़ने के बहाने ढूंढ़ता रहता है".

आर्यन: प्यार तो मई तुझसे बहुत जयादा करता हु शायद तुझसे भी ज्यादा पर रही झगड़ने की बात तो वो भी हमारा प्यार जताने का एक तरीका है.

आर्यन ने बातो hi बातो मई अपनी फीलिंग उसे बता दी.

आशु: तू सही कह रहा hai,but म भी तुझसे बहुत प्यार करती हु.

आर्यन को पता था की वो सिर्फ भाई बहिन वाले प्यार की बात कर रही है. फिर आर्यन ने pucha-"Achha ये बता तू इसके चक्कर मई आयी कैसे".

ये सुनकर वो पहले तो कुछ टाइम चुप रही फिर बोली-" 1.5-2 साल पहले वो मुझे लगभग रोज़ कॉल करने laga,roz बात करता. म समझती थी भाई की तरह कर रहा होगा. बूत एक दिन उसने मुझे पर्पस kiya,mene उसे बहुत डांटा इस घटिया हरकत के liye,ye तक कहा की म मम्मी पापा को बता दूंगी और उस से बात करनी बंद करदी. फिर एक दिन वो मुझे कॉलेज के बहार mila,m उसे देखकर घर आने के लिए chali,to वो मुझसे एक बार बात करने की मिन्नतें करने लगा. मेने भी सोचा की एक बार बात करके देखती हु तो हम एक पार्क मई आ गए.

फिर उसने मुझे कहना शुरू किया की वो मुझसे बहुत पहले से प्यार करता है बूत उसकी हिम्मत नहीं हुई मुझे बताने की बकज़ हम कजिन थे. लेकिन अब वो बहुत फ़्रस्ट्राटे हो चूका था इसलिए बता दिया. मेने उसे समझाया की म उसकी बहिन हु हमारे बीच ये सब नहीं हो सकता. बूत वो मानने को रेडी नहीं thi,uska कहना था की अगर मेने उसे मन किया तो वो सुसाइड कर लेगा. म दर गयी मेने उसे बहुत समझाया की हमारे रिलेशन का कोई फ्यूचर नहीं होगा बूत वो नहीं माना. तब उसने ब्लेड निकला और अपने हाथो पर चलने लगा उसके हाथ से खून बहने laga,bola की अगर मेने उसका प्यार एक्सेप्ट नई किया वो यही मर जायेगा. म काफी दर गयी म नहीं चाहती की मेरी वजह से वो ऐसा करे इसलिए मेने उससे बात करने के लिए है करदी."

आशु ने एक hi सांस मई सब बता दिया.

आशु: लेकिन मुझे उसकी नियत का अब पता chala,mujhe अपने आप पर hi गुस्सा आने लगा की मेने ऐसे आदमी से बात की. बूत थैंक्स भाई तूने मुझे बहुत बड़ी गलती करने से रोक दिया.

आर्यन: अब अगर तूने फिरसे थैंक्स कहा न तो म तेरा गाला दबा दूंगा.

आर्यन ने उसे मजाक मई बोलै.

आर्यन: अच्छा एक बात सच सच batayegi,kya तुझे भी उस से प्यार था.

आशु ने कुछ सोचा और बोली

आशु: मुझे लगता है की किसी से प्यार तब होता है जब हम उसके बारे मई दिन रात सोचते रहते hai,uski पसंद नापसंद का ख्याल करते hai,uske मश्ग और कॉल के लिए बहुत उत्सुकता से वेट करते है. अगर किसी और की भी कॉल या मश्ग आता है तो हमारा दिल ये hi कहे है की उसका hi है.

बूत मेरे दिल मई उसके लिए कुछ भी ऐसा नहीं tha,shayad मेरा दिल जानता था की वो इस काबिल नहीं hai,uska कॉल आ जाता था तो म बात कर लेती थी वर्ण मेने कभी भी उसे कॉल नहीं की.

ये सुनकर आर्यन को बहुत जयादा ख़ुशी हुई बकज़ आशु के दिल मई कोई नहीं tha.use लगा की अब उसकी लाइन क्लियर है.

आर्यन ने डरते डरते एक और सवाल किया-" आशु अगर तुझे बुरा न लगे तो एक बात और पुछु".

Ashu-"kya".

आर्यन: जब तुझे उस से प्यार नहीं था तो तू आज क्यों जा रही थी उस से मिलने.

आशु की नज़रे फिर से झुक gayi,use पता था की आर्यन क्या पूछना छह रहा है बूत वो दुविधा मई थी की वो अपने भाई को वो सब कैसे बताये. आशु को सोच मई पाकर आर्यन बोलै-" अगर तुम नहीं बताना चाहती तो कोई बात नई".

कुछ देर बाद आशु ने बोलना शुरू किया बूत उसकी नज़रे अब भी फर्श पर hi जमी हुई थी.

आशु: जब हम फ़ोन पर बात करने लगे तो कुछ दिनों बाद वो गन्दी गन्दी बाते करने laga,pehle तो मेने उसे डांटा भी बूत वो नहीं maana,wo रोज़ अश्लील बाते करता था कभी किसी टॉपिक तो कभी किसी पर और काफी टीम बाद पता नहीं क्यों मुझे भी ये अच्छा लगने लगा. हम 2 या 3 बार बहार भी मिले तब उसने मुझे किश kiya,mene मन भी किया. मेरी सभी फ्रेंड्स के बर्फ है वो मुझे आकर बताती की आज हमने ये kiya,az ये किया. मुझे नहीं पता कैसे बूत एक दिन वो सेक्स के लिए इंसिस्ट कर रहा tha,mene उसे काफी बार मन किया था बूत एक दिन मेने भी उसे है करदी बिना कुछ सोचे samjhe,shayad ये सब उन बातो का असर था जो मेरी फ्रेंड्स मुझसे शेयर करती थी.

आशु ये बता कर चुप हो गयी थी. आर्यन गौर से आशु को hi देखे जा रही थी की वो कितनी मासूम है जो उस कमीने की बातो मई आ गयी. उसे गिल्ट फील हो रहा था इसलिए वो नीचे जमीन को hi घूरे जा रही थी. तब आर्यन बोलै-

आर्यन: मेने तुझसे ये सब इसलिए नहीं पूछा की तू गिलटी फील करे. तूने कुछ गलत नहीं किया Ashu,aksar इस स्टेज मई ये सब हो जाता है. अगर तुम इस तरह रियेक्ट करोगी तो मई खुद को गिलटी फील करूँगा. हम दोनों हम उम्र hai,ye सब कॉमन है."

आर्यन ने उसे प्यार से समझते हुए kaha,tab आशु ने उसकी तरफ देख कर bola-"tu तो बहुत समझदार हो गया hai,m तो तुझे अब तक बुद्धू hi समझती थी".

आर्यन: अच्छा तुझे मई बुद्धू दीखता hu,bandariya.

आशु: बंदरिया किसको बोलै तू.

आर्यन: tujhe,tere अलावा भी और कोई है क्या यहाँ.

आशु: रुक तुझे अभी बताती हु.

और ये बोलकर आशु उस पर झपट padi,Aryan मौका देखकर वह से नीचे भाग आया उसके पीछे पीछे आशु भी थी. आर्यन जाकर अपनी मम्मी के पीछे खड़ा हो गया.

आशु: मम्मी के पीछे क्यों चुप्पा है डरपोक. तुझे नहीं छोडूंगी आज म.

आर्यन: पहले पकड़ तो सही चुड़ैल.

आशु गुस्से म अपनी मम्मी को कहती गई-" मम्मी रोकलो इसे पहले ये मुझे बंदरिया कह रहा था और अब चुड़ैल".

अंजलि: तुम दोनों अपने आप निपटो एक दूसरे se,mujhe माफ़ करो".

ये बोलकर वो जाने लगी और आर्यन भी बहार निकल भागा. फिर उन्होंने खाना खाया और टीवी देखने lage,waha भी वो रिमोट के लिए झगड़ा करने लगे. इस तरह उनको ये दिन गुज़रा.

 
अपडेट 11

नेक्स्ट मॉर्निंग, वो दोनों कॉलेज के लिए निकलने lage,ab आर्यन के दिल मई आशना के लिए जो हवस थी वो अब प्यार ने ले ली थी. वो बाइक भी बहुत प्यार से चला रहा था. दोनों चुप थे समझ नहीं आ रहा था क्या बात करे. तब आर्यन पहल करते हुए बोलै-

आर्यन: क्या हुआ तू इतनी अपसेट सी क्यों बैठी है.

आशु: नहीं तो, म क्यों अपसेट होउंगी भला.

आर्यन: नहीं तू चुपचाप बैठी है न इसलिए पूछा.

आशु: achha,tu क्या चाहता है की म तुझसे लाडू.

आर्यन: है तू लड़ते हुए hi अच्छी लगती है.

आशु: achha,to म वैसे अच्छी नहीं लगती.

आशु ने बहुत मासूमियत से मुँह बनाते हुए कहा.

आर्यन: nahi,mere कहने का वो मतलब नहीं था. मेरी बहिन बहुत अच्छी है.

आशु: अब आया न लाइन पे.

इस तरह वो दोनों बाते करते करते कॉलेज तक पहुंच गए. आशु जाने के लिए मुड़ी तो आर्यन ने उस से छुट्टी का टाइम पूछा और चला गया. अभी आशु अंदर आयी hi थी की उसका मोबाइल baja,usne no. देखा तो उसे बहुत गुस्सा आया और उसने कॉल कट करदी. बूत वो उसे बार बार कॉल करता रहा. तब उसने कॉल उठाई और गुस्से से बोली-

आशु: तुम्हे एक बार कहा हुआ समझ नहीं आता क्या बेशर्म इंसान.

दूसरी तरफ अजय tha,wo प्यार से बोलै-

अजय: आशु मुझसे क्या गलती हुई ये तो बताओ.

आशु: गलती तो मुझसे हुई जो मेने तुम जैसे घटिया इंसान से बात की.

अजय: तुम क्या कह रही हो मेरी समझ मई कुछ नहीं आ raha,kal आर्यन ने भी मुझसे बदतमीज़ी से बात की.

आशु: शुक्र करो उसने सिर्फ बात की, अगर तुम सामने होते या हमारे भाई न होते तो जान से मार देता वो तुम्हे.

अजय: बात क्या हुई ये तो बता.

(उसे ये नहीं पता था की वो कॉल आर्यन ने की थी कार्तिक बांके).

आशु: आज के बाद तुमने मज्झे कांटेक्ट करने की कोसिस भी की न तो इसका अंजाम अच्छा नहीं होगा.

अजय: बूत हुआ क्या है ये तो बताओ.

आशु: तुम क्या सोचते थे की तुम मुझे उसे karoge,meri वीडियो रिकॉर्ड करोगे और मुझे अपने इशारे पर nachaoge,par जब तक आर्यन है न तुम मुझे आँख उठाकर भी नहीं देख सकते.


आर्यन ये सुनकर घबरा सा जाता है उसे धीरे धीरे समझ मई आने लगता है. वो कहता है-

" tt..uuu...mmmm..tummm ये क्या कह रही हो."

आशु: वही जो तुमने खुद अपने मुँह से कंफेस्स किया था. तुम्हारी कॉल रिकॉर्ड है मेरे paas,jise तुमने ये सब बताया था वो आर्यन था. समझ गए अब tum.mujhe कॉल करने की हिम्मत भी मत करना.

अब अजय सब कुछ समझ चूका था. अब तक वो सिर्फ इस वजह से नरमी से बात कर रहा था की उसे लगा की कुछ और बात है और वो हैंडल कर लेगा बूत यहाँ तो गेम hi पलट चूका था तब वो अपनी औकात पर आते हुए बोलै.

अजय: चलो अच्छा hai,tum सब समझ गयी हो. अब ये सब ड्रामा नहीं करना पड़ेगा.

आशु: कोण सा ड्रामा.

अजय: ये hi प्यार व्यार वाला. अब तुम सब समझ hi चुकी हो तो ये भी जान लो की मेरे पास तुम्हारे वो फोटोज है जो तुमने मुझे भेजी थी. मई उन सबको सोशल मीडिया पर दाल दूंगा.

ये सुनकर आशु के पेरो टेल से जमीन खिसक गयी. उसे तो याद भी नहीं था की उसने उसे अपने सेमीन्यूड फोटोज सेंड की थी कुछ दिन पहले hi.wo घबराकर कर बोली-

आशु: t..tu..tumm ऐसा नहीं कर सकते. म तुम्हारी बहिन हु.

अजय: मुझे फरक नहीं पड़ता की तुम बहिन हो. मुझे तो सिर्फ तुम्हे छोड़ना है. अच्छे से सोच समझ lo,m कल फिर कॉल करूँगा तुम्हारा जवाब जानने के लिए. अगर तुम चाहती हो की मई वो फोटोज डिलीट करदु तो तुम्हे मेरे साथ सोना होगा वर्ण तो कल तुम उन फोटोज को सोशल मीडिया पर देख लेना.

अजय ने ये कहकर कॉल कट करदी. आशु तो बेजान सी होकर वही बेथ gayi,use तो समझ hi नहीं आ रहा था वो क्या kare,uski आँखों से आँशु बहने लगे. वो उठकर बहार जाने लगी और कांपते हाथो से आर्यन को कॉल करदी. उधर आर्यन क्लास मई था तो उसने कॉल कट करदी di,jab फिरसे आशु की कॉल दोबारा आयी तो वो क्लास से बहार आया और कॉल पिक की.

आर्यन: hello.

उधर से सिर्फ रोने की आवाज़ आ रही थी. आर्यन घबरा गया.

आशु: hello Ashu,kya hua....tum बोलती क्यों नहीं ho,ashu.

आशु: Aaa..Aaryannn..wo...wo

आर्यन: तू है कहा ये बता.

आर्यन ने घबराते हुए पुछा.

आशु: कॉलेज के गेट पर.

आर्यन: तू वही ruk,m अभी आता हु.

आर्यन ने कॉल कट की और बाइक लेकर निकल gaya,wo हवा की तेज़ी से बाइक चला रहा tah,use आशु की फ़िक्र हो रही थी. वो दुआ कर रहा था की सब ठीक हो,20 मं के बाद वो वह पहुंचा तो उसे आशु बहार hi कड़ी दिखाई di.Aryan ने बाइक रोकी और उतारकर उस से पुछा-

आर्यन: आशु क्या hua,tum रो क्यों रही थी.

आशु उसके गले से लग गयी रट hue,sabhi उन्दोनो को hi देख रहे थे. आर्यन ने उसे संभाला और उसे बाइक पर बैठने को कहा. वो दोनों उसी पार्क मई गए. तब आर्यन ने उसे पानी लेकर दिया जिस से वो रिलैक्स हो. जब वो थोड़ी रिलैक्स हुई तब आर्यन ने पूछा-

आर्यन: Ashu,kya हुआ. किसी ने कुछ कहा तुझे.

आशु ने गर्दन न मई हिलाई.

आर्यन: तो हुआ kya,jab तक तू मुझे नहीं बटेगी मुझे कैसे पता चलेगा.

फिर आशु ने रट हुए उसे साड़ी बात बता दी. ये सब सुनकर आर्यन को आशु पर बहुत गुस्सा आया.

आर्यन: व्हाट? आशु तू पागल हो गयी है क्या. तूने अपनी फोटोज उसे सेंड kardi,tera दिमाग ख़राब हो गया है.

आशु फिर से रोने lagi,ab आर्यन को खुद पर गुस्सा आया की वो पहले से hi परेशान है और मई भी उसे hi दांत रहा हु. आर्यन नार्मल होते हुए बोलै-" आशु तू पहले रोना बंद kar,rone से कुछ नहीं होगा."

आशु ने रोना बंद कर दिया था पर वो अब तक सुबक रही थी.

आर्यन: इतनी समझदार होते हुए भी तूने वो पिक्स क्यों di,tujhe पता है न आजकल लड़के कैसे मिसयूज करते है इन सबका.

आशु: म उसे मन करती थी बूत वो हमेशा ज़िद करता tha,mujhe पता है की लड़के मिसयूज करते है लेकिन मेने फिर इसलिए दे दी क्यूंकि वो तो मेरा भाई भी था न.

आर्यन: वो पिक्चर बिलकुल नुदे है क्या.

आशु ने नजरे झुकाते हुए कहा.

आशु: पूरी नुदे नहीं hai,sirf उन्देर्गर्मेन्ट्स मई है.

ये सुनकर आर्यन को थोड़ा चैन मिला.

आर्यन: तू टेंशन मत le,m सोचता हु कुछ.

आशु: अगर उसने वो नेट पर दलदी तो..

आर्यन: आशु मेने कहा न म सोचता हु कुछ. चल घर चलते है. वो दोनों घर चले गए. घर जाकर आशु तो अपने कमरे मई घुस gayi,usne खाना भी नहीं खाया. जब आर्यन को पता चला की उसने खाना नहीं खाया तो वो भी बिना खाये hi अपने कमरे मई चला गया. शाम हो गयी thi,Ashu की रट रट आँख लग गयी थी तो वो उठकर बहार aayi,uske पापा भी ड्यूटी से वापस आ चुके थे.

राजेश: क्या बात है beta,aaz तो बहुत देर तक सोई.

आशु: है papa,time का पता hi नहीं चला.

राजेश: कोई बात nahi,aa जाओ बैठो.

आशु: नहीं म मम्मी की हेल्प कर देती हु किचन मई.

और वो किचन मई चली गयी, डिनर के वक़्त सभी खाना खाने बैठे the,but आर्यन नहीं था.

अंजलि: ये लड़का कहा चल गया खाने के waqt,dopehar मई भी उसने कुछ नहीं खाया था.

राजेश: क्यों.

आशु: पता nahi,shayad दोनों बहिन भाई बहार से खाकर आये होंगे. आशु भी आते hi बीने खाये ऊपर चली गयी थी. तब आर्यन बहार से आता हुआ दिखा दिया.

राजेश: बीटा, आ जाओ खाना खालो.

आर्यन ने आशु की तरफ देखा और वो भी आकर बेथ गया. खाना खाने के बाद वो टीवी देखने लगा. बूत आज आशु का मूड ऑफ था तो वो जल्दी hi ऊपर आ गयी और आते हुए आर्यन को भी ऊपर आने का इशारा कर दिया. आर्यन भी उसके कमरे मई आ गया वो सोच मई डूबी हुई थी.

आर्यन: क्या हुआ तुझे.

आशु: भाई मुझे दर लग रहा है.

आर्यन: मेने कहा न जब तक मई हु तू किसी भी बात की टेंशन मत ले.

आशु: ok,but तूने सोचा कुछ.

आर्यन: ha,mene सोच लिया है बूत तुझे भी एक काम करना होगा.

आशु: क्या करना होगा..
 
अपडेट 12

आर्यन: अवनि (आशु की चचेरी बहिन और अजय की सगी बहिन) तो तेरी दोस्त है न.

आशु: है हम बहिन छुम दोस्त जयादा है.

आशु और अवनि बचपन से hi बेस्ट फ्रेंड hai,jese की अक्सर कजिन सीस क्लोज होती है एक दूसरे के.

आर्यन: तो तू उसकी नुदे पिछ माँगा सकती है.

आशु: व्हाट?? क्या बोल रहा है तू.

आर्यन: पहले तो ऐसा रियेक्ट करना बंद कर tu,dekh तू किसी तरह उसकी नुदे पिछ माँगा वो काम आएगी हमारे.

आशु: पहले तू मुझे बता की तू क्या प्लानिंग कर रहा है.

आर्यन: तुझे भरोसा नहीं है मुझ पर.

आशु: पूरा भरोसा hai,but मई नहीं चाहती की हमारी वजह से अवनि को प्रॉब्लम है.

आर्यन: तू पागल है kya,wo मेरी भी तो बहिन hai,uski पिक्स हमें सिर्फ अपनी सेफ्टी के लिए चाहिए.

आशु: पहले तू ये बता की तेरे दिमाग मई चल क्या रहा है.

आर्यन: ठीक है sun,tu कल उस से मिलने जाएगी.

आशु: kyaaa...aryan तू पागल हो गया है kya,tujhe पता भी है तू क्या कह रहा है.

आर्यन: पहले मेरी पूरी बात तो सुन ले मेरी माँ.

आशु: ok.

आर्यन: वो तुझे कल जब कॉल karega,tu उस से बोलना की तुझे उस से बात करनी है और उसे लेकर तेरे कॉलेज के पास जो कैफ़े hai,waha जाना. मई वह पहले से hi बैठा hounga,tu किसी भी तरह करके उसके मोबाइल का wi-fi ों करा लेना.

आशु: उस से क्या होगा.

आर्यन: मई उसका मोबाइल क्रैश कर दूंगा.

आशु: और ये सब कैसे करेगा.

आर्यन: यार तुझे पता है न म ीत से मका कर रहा hu,aur हैकिंग इसमें कॉमन बात है. और म ये अच्छी तरह से कर सकता हु.

आशु: तो फिर तुझे उसके पिक्स क्यों चाहिए.

आर्यन: मानले अगर उसने तेरे पिक्स की कॉपी की होगी तो हम उस से कहेंगे की हम भी अवनि की फोटो पब्लिक कर देंगे.

आशु: Aryan,tera आईडिया तो अच्छा hai,lekin कुछ गलत न हो जाये.

आर्यन: तू मुझपे ट्रस्ट kar,kuch नहीं होगा.

आशु: ok,chal अब मई जाती हु.

आर्यन: ok.

नेक्स्ट डे, वो दोनों रेडी हुए और वो दोनों कॉलेज जाने की बजाये कॉलेज के पास वाले पार्क मई पहुंच गए. वो बैठे हुए अपनी प्लानिंग कर रहे थे की आशु का फ़ोन baja,call अजय की hi थी. आर्यन ने उसे बात करने के लिए कहा.

आशु: hello.

अजय: है jaan,kya सोचा फिर.

आशु: हम मिलकर बात कर सकते है इस बारे मई.

अजय: है क्यों nahi,bola कब आना है और कहा.

आशु: मेरे कॉलेज के पास जो कैफ़े है वह आना hai,jald से जल्द कब आ सकते हो.

अजय: ठीक है 1 हर तक आता हु.

1 हर बाद आशु और आर्यन जाकर उस कैफ़े मई पहले से hi बेथ गए. आशु अलग टेबल पर बेथ कर अजय का वेट करने लगी. आर्यन वही पर बने एक प्राइवेट रूम मई tha,wo उनको साफ़ देख सकता था बूत उसे सिर्फ आशु देख सकती थी बकज़ वो उसी हिसाब से बैठी thi.kuch देर बाद उसे अजय का कॉल आया और आशु ने उसे अंदर आने को कहा. वो आकर आशु के सामने बेथ गया.

अजय: है तो jaan,bolo क्या बात करनी थी तुम्हे.

आशु: देखो अजय वो फोटोज मुझे देदो.

अजय: दे दूंगा बूत मुझे भी तो कुछ चाहिए न बदले मई.

आशु समझ गयी थी की ये बातो से फसने वाला नहीं hai,usne आर्यन को इशारा किया. आर्यन ने आशु को कॉल किया. आशु ने अजय के सामने ये शो किया की ये उसकी दोस्त का है.

आशु: है अदिति bol....ha मेरे पास hai....ok मई अभी तुझे सेंड कर रही hu...ok..bye.

आशु ने कॉल कातडी.

आशु: ो no!

अजय: क्या हुआ.

आशु: मुझे मेरी दोस्त को नोट्स सेंड करने थे बूत मेरे मोबाइल मई तो डाटा hi नहीं है.

अजय: घर जाकर कर dena,pehle मेरी बात का जवाब दो.

आशु: वो अभी करने hai,bcz मेरा असाइनमेंट सबमिट होना है aaz,aur म यहाँ हु. एक काम करो तुम अपना wi-fi ओपन kardo,m कनेक्ट करके अभी सेंड कर देती है.

अजय कुछ सोचकर बोलै ok. और विफई ों कर दिया.

अजय: कर दिया ों.

आशु ने फिर आर्यन को इशारा किया और इधर आर्यन लग गया अपने काम मई. आशु ने अजय से उसका पास और नाम आर्यन को मश्ग से सेंड कर दिया. 5 मं हो गए बूत आर्यन अब तक लगा हुआ था ये देख आशु को दर लगने लगा.

अजय: क्या हुआ इतनी देर क्यों लग रही है.

आशु: सारे नोट्स अलग अलग फोल्डर मई है इसलिए.

2 मं बाद आर्यन वह से उठा और अजय के सामने वाली सीट पर आशु के बराबर मई बेथ गया था. आर्यन को देखकर अजय चौंक गया. भले hi अजय उस से 3 साल बड़ा था बूत बॉडी से आर्यन उस से काफी मस्कुलर था.

आर्यन: और bhaiyyaji,kese हो.

अजय: tt..tuu..yaha...kya कर रहा ह

आर्यन: तेरी खबर लेने आया hu,jayada आग लग रही है न तुझे ठरकी साले.

अजय: तमीज से बात kar,warna.

आर्यन: वर्ण kya,,Ashu के फोटो नेट पर dalega,,daal साले कुत्ते.

आशु ये सब धीमी आवाज़ मई hi बोल रहा था ताकि कैफ़े मई कोई हंगामा न हो.

अजय अपना मोबाइल देखता है बूत वो ऑफ हो चूका था वो हड़बड़ाते हुए उसे ों करता है बूत ों होते hi उसके होश उड़ जाते है.

आर्यन: क्या हुआ bhai,photo नहीं मिल रहे.

आशु शॉकेड था-: मेरा सारा डाटा फॉर्मेट कैसे हुआ.

आर्यन: चल बहार aaza,tujhe बताता हु.

वो तीनो कैफ़े से बहार आ गए. अभी वो बहार hi आये थे की आर्यन ने एक थप्पड़ अजय को maara,wo गिरते गिरते बचा. आर्यन उसका कलर पकड़ता हुआ बोलै- साले तू क्या समझता tha,tu आशु को फसा lega,abhi आर्यन ज़िंदा है और मेरे होते हुए उसे कोई आँख भी उठाकर नहीं देख सकता.

आशु ने ये सब एक्सपेक्ट नहीं किया था बकज़ ये तो प्लान मई hi नहीं tha,Ashu को गुस्से मई उसका कलर पकड़ता देख उसने तुरंत आर्यन का हाथ पकड़कर हटाने लगी.

आशु: आर्यन छोड़ use,mene कहा छोड़.

आर्यन उसे एक और थप्पड़ मरता hai,to अजय उसे मुक्का मरने के लिए जैसे hi अपना हाथ लता है है अजय उसका हाथ पकड़ कर उसे एक लात पेट पर मरता है. आशु आर्यन को गुस्से म देख घबरा जाती है जैसे hi आर्यन उसे मरने को आगे बढ़ता है आशु उसकी ब्याह कसके पकड़ लेती है.

आशु: मेने कहा न तुझे रुक जा.

आर्यन रुक जाता है, वह 2-4 आदमी इकट्ठे हो गए the,bheed नहीं थी बकज़ अभी कॉलेज चल रहा था इसलय.

आर्यन उनलोगो की और देखता हुआ कहता है: तमाशा हो रहा है यहाँ भागो.

वो लोग चले जाते है तब तक अजय भी उठ जाता है. उसके होंठ से खून निकल रहा था.

अजय: तुम दोनों को ये बहुत महंगा पड़ेगा.

आर्यन: साले कर भी क्या सकता है तू namard,sirf लड़कियों को ब्लैकमेल कर सकता है.

अजय: तू क्या समझता है मेरे पास और पिक्स नहीं hai,mene कॉपी की हुई म अभी उन्हें नेट पर दाल dhuga.(usne झूट बोलै उन्हें डरने को).

आर्यन इतना तो समझ गया था की पिक्स की फर्स्ट कॉपी उसके hi मोब म थी वो और कही कॉपी नहीं हुई थी.

आर्यन: ठीक है डालदे नेट पर. म तुझे कुछ और फोटो सेंड कर दूंगा वो भी दाल दिए.

ये बोलकर उसने आशु की और dekha,ashu ने मोब म उसे अवनि की नुदे पिक्स dikhai,unhe देखकर वो शॉकेड हो गया.

अजय: y..yyeeee कैसे आयी तुम्हारे पास.

आर्यन: मुझे पता hai,tu अपनी बहिन को बहुत प्यार करता hai,to अब कुछ भी करने से पहले 100 बार sochna,ab निकल यहाँ से कही ऐसा न हो की म तुझे यही मार दू.

आर्यन गुस्से से बोलै. अजय वह से चला गया.

" इन सबका हिसाब तो तुम्हे देना पड़ेगा आर्यन". अजय अपने आप से कहता हुआ चला गया.


इधर आशु गुस्से से आर्यन को घूरे जा रही थी.

आर्यन: ऐसे क्यों घूर रही है मुझे.

आशु: तूने उसे मारा kyu,ye तो हमने डीडे नहीं किया था.

आर्यन: है नहीं किया था to,use ऐसे hi जाने deta,usne जो तेरे साथ करने की हिम्मत की थी न मेरा बस चलता मई उसे जान से मार देता.

आशु: अगर उसने घर बता दिया तो.

आर्यन: वो नहीं batayega,kya वो ये बताएगा की वो अपनी कजिन को ब्लैकमेल कर रहा था इसलय मेने उसे मारा.

आशु: है ये तो hai,but तुझे इतना गुस्सा नहीं करना चाहिए.

आर्यन: तेरे साथ अगर कोई कुछ भी गलत करेगा मई उसे ऐसे hi मरूंगा.

आशु: आर्यन तू अपनी बहिन से इतना प्यार करता है.

आर्यन: हद से भी जयादा.

आशु को उस पर बहुत प्यार आता है और वो उसके गाल पर किश कर देती है.

आशु: ठंकु आर्यन 4 एवरीथिंग.

आर्यन: अगर तूने फिरसे ठंकु बोलै न तो..

आशु: सॉरी baba,gussa मत हो. चल घर चलते है और वो घर आ गए.
 
अपडेट 13

घर आकर उन दोनों ने खाना खाया और अपने अपने कमरे मई रेस्ट करने चले गए. आर्यन आज काफी खुश था एक तो अजय का मटर सोल्वे हो गया और आशु ने उसे किश भी किया.

" क्या म आशु को पर्पस kardu...nahi अभी नहीं, वो क्या sochegi..abhi अभी तो अजय का नाटक खत्म हुआ hai,thoda वेट करता हु". आर्यन ने खुद से कहा.


इस बीच दिन गुज़रते गए, और आर्यन का प्यार आशु के लिए din-b-din बढ़ता गया. वो अक्सर आशु को एकटक देखता रहता tha,kitni hi बार आशु भी ये नोटिस कर चुकी थी. वो hi उसे कॉलेज ले जाता और वही लेकर भी आता. इस तरह लगभग 15-20 दिन बीत चुके the,ab आर्यन से कण्ट्रोल करना मुश्किल हो रहा था वो जल्द से जल्द आशु को अपनी बाहो म जकड़ना चाहता था. अब वो डीडे कर चूका था की वो आशु को अपने दिल की बात बता कर hi रहेगा.

एक दिन राजेश के स्टाफ मेंबर की लड़की की शादी थी. तो Rajesh,aur अंजलि को जाना था. रात की शादी थी इसलिए वो दोनों रात होने के बाद निकल गए ये बताकर की वो 12 बजे के बाद तक hi आएंगे. बाकि बचे तीनो ने खाना khaya,tv देखा और 10 बजे के आस पास निर्मला बोली-" म सोने जा रही हु".

आशु: ठीक है दादी आप सो jaiye,sone से पहले दवाई ले लेना अपनी.

निर्मला: तुम्हे नहीं सोना है क्या.

आशु: नहीं म मम्मी पापा के आने के बाद सोऊंगी.

उसके बाद निर्मला सोने चली गयी. आर्यन ने सोचा की यही सही मौका है आशु से बात करने का. वो कुछ देर बैठा रहा फिर उठकर दादी को देखने गया वो बी सो चुकी थी.11 बजने को थे, आर्यन की बात करने की हिम्मत hi नहीं हो रही थी. वो इस उदधबुन मई था की क्या म गलत कर रहा हु या सही. खैर, उसने हिम्मत करके उससे बात करने की thaani,aur पहले रिमोट से टीवी ऑफ कर दिया.

आशु उसकी और देखकर बोली-" तूने टीवी क्यों बंद किया".

आर्यन नज़रे नीचे करते हुए बोलै-" मुझे तुझसे कुछ बात करनी है".

आशु: तो इसमें टीवी बंद करने की क्या जरुरत थी.

आर्यन: म चाहता हु तू मेरी बात धयान से सुने.

आशु: ऐसी क्या बात करनी है tujhe,chal ठीक है बता.

आर्यन: पर पहले तू प्रॉमिस कर की तू गुस्सा नहीं करेगी.

आशु को थोड़ा उनकफोर्ट फील होने लगा बकज़ आर्यन कभी इस तरह से बाते नहीं करता था.

आशु: ठीक है बोल तू.

आर्यन थोड़ी हिम्मत करते हुए bola-"Aaa..ss...Aasshhuu".

आशु: आगे भी कुछ बोलेगा.

आर्यन: आशु ी लव यू.

आशु ये सुनकर हसी फिर बोली इसमें गुस्सा करने वाली क्या बात hai,m भी तुझसे प्यार करती हु. आर्यन समझ गया की वो अब तक नहीं समझी है इसलिए उसे hi साफ़ साफ़ बताना पड़ेगा.

आर्यन: आशु म तुझसे बहुत जयादा प्यार करता hu,bhai बहिन वाला नहीं. एक लड़की और लड़के वाला.

आशु को कुछ भी समझ मई नहीं आया वो क्या बोल रहा था, या उसे समझ आ गया था बूत वो अपने कानो पर भरोसा नहीं कर प् रही थी.

आशु: इसका मतलब क्या hai,saaf साफ़ बोल.

आर्यन: म अपनी पूरी लाइफ तेरे साथ गुज़ारना चाहता हु.

आशु गुस्से से चिल्लाते हुए बोली-

"तू क्या बक रहा hai,saaf साफ़ बता"

आर्यन भी अब झल्ला चूका था उसने बोलना स्टार्ट किया-" ठीक है तो साफ़ साफ़ sun,M पागल हो चूका हु तेरी वजह se,mujhe हर वक़्त सिर्फ तेरा hi चेहरा दिखाई देता hai,har वक़्त तेरे बारे मई hi सोचता रहता हु, दिल करता है की मई तेरे पास बैठकर तुझे hi देखता rahu,bahut प्यार करता हु मई tujhse,ab से नहीं बल्कि बहुत सालो से, बूत मुझे अब आकर रीलीज़ हुआ की म तेरे बिना नहीं रह सकता. म तेरे साथ जीना चाहता hu,marna चाहता hu,apni पूरी लाइफ तेरे साथ गुज़ारना चाहता हु. म तुझसे शादी करना चाहता हु."

आशु तो बूत बन गयी thi,use ऐसा लग रहा था की जैसे उसका शरीर है hi nahi,uski आँखों से आँशु बहने लगे और जब आर्यन ने शादी वाली बात कही तो उसे इतना गुस्सा आया की वो आर्यन को बहुत जोर से चांटे लगते गयी. वो उसे तब तक मरती गयी जब तक वो थक नहीं गयी. और अपना सर पकड़ कर वही काउच पर बेथ गयी. अब दोनों की आँखों मई आशु थे. आर्यन की आँखों मई इसलिए थे की उसकी वजह से उसकी बहिन इतना हर्ट हुई. और आशु तो जैसे कुछ समझ hi नहीं प् रही थी. काफी देर तक जब आशु रोटी रही तो आर्यन उसके पास आया और उसके कंधे पर हाथ रखा hi था की तभी आशु ने उसे एक और चांटा मारा और चिल्लाकर कर बोली-" मुझसे दूर हैट ja,agar दोबारा तूने मुझे हाथ लगाया तो तुझे अभी जान से मार दूंगी".

आर्यन को अब दर लगने लगा था क्यूंकि वो आशु के गुस्से और ज़िद से अच्छी तरह वाकिफ tha,fir भी वो हिम्मत करते हुए bola-"Ashu मेरा इरादा तेरा दिल दुखने का नहीं tha,plz मेरी बात तो सुन."

आशु उसकी और गुस्से से देखती हुए boli-"kya सुनु m,yehi की मेरा नीच भाई अपनी बहिन को hi इतनी गन्दी नजरो से देखता hai,dur हो जा मेरी नज़रो se,mujhe घिन्न आ रही है तुझसे. तुझमे और अजय म फ़र्क़ hi क्या रह gaya,wo तो मेरा सागा भाई नहीं था बूत तू तो मेरा सागा भाई होकर भी अपनी hi बहिन पर hi नज़रे गड़ाए बैठा है, क्या चाहिए tujhe,mera जिस्म hi na,ye ले. करले ले अपनी हवस shaant,tang आ गयी हु मई इस शरीर से".

और उसने उस वक़्त जो टी शर्ट पहनी हुई थी वो निकल दी और रोने लगी.

वो अब सिर्फ ब्रा मई थी.
 
अपडेट 14

आर्यन को ये देखकर उसपर गुस्सा आने laga,usne उसे एक चांटा मारा जिस के वो काउच पर जा giri,aur उसे देखे बिना उसकी टी- शर्ट उसकी तरफ करते हुए गुस्से से बोलै-" पहनो ise,tum क्या समझती हो की मुझे तुम्हारे जिस्म से प्यार है तो कान खोलकर सुनलो म तुमसे प्यार करता hu,tumhare जिस्म से नहीं. और आगे से कभी ऐसी हरकत की न तो अच्छा नहीं होगा".

आशु ने उसके हाथ से t-shirt ली और पहनने लगी और सिसकते हुए बोली-" आज तो मुझ पर तूने हाथ उठा diya,aaz के बाद मत उठाना वर्ण तेरे लिए नई अच्छा होगा. तू अपने सारे हक़ खो चूका hai,na तो अब तू मेरा भाई है न मई तेरी बहिन".

ये बोलकर वो ऊपर जाने लगी तो आर्यन ने उसे रोकते हुए कहा-" प्ल्ज़ आशु एक बार मेरी बात तो sun,m तेरे बिना नहीं रह pounga,m तुझसे बहुत ज्यादा प्यार....."

आशु ने उसकी बात काट ते हुए गुस्से मई जवाब दिया-" प्यार माय फुट. अगर तूने अब एक और लफ्ज़ बोलै न तो म मम्मी पापा को तेरी ये सब बकवास बताउंगी, अब तक मेने उन्हें बताने का नहीं सोचा था क्योंकि म उन्हें तेरी वजह से शर्मिंदा होते हुए नहीं देखना chahti,nahi चाहती की उन्हें तेरी परवरिश पर घिन्न आये की कैसे तू अपनी hi बहिन से .....".

और वो वह से ऊपर चली गयी. यहाँ नीचे आर्यन खड़ा हुआ आँशु बहता raha,wo अपने आपको बहुत बेबस फील कर रहा था. वो वही बैठा raha,kuch देर बाद उसे बाइक आने की आवाज़ आयी तो वो समझ गया की उसके मम्मी पापा आ चुके hai,wo जल्दी से वाशरूम की तरफ गया और मुँह धोने के बाद आकर गेट ओपन किया.

राजेश: अरे tu,tu सोया नहीं अभी तक.

राजेश ने अंदर आते हुए कहा.

आर्यन: नहीं बस आपका hi वेट कर रहे थे.

अंजलि: आशु कहा है.

आशु: वो कुछ देर पहले hi सोने गयी है.

अंजलि: ठीक hai,chal तू भी सजा.

आर्यन अपने कमरे मई आ गया. हालाँकि नींद आज उस से कोसो दूर थी. वो बस एहि सोच रहा था की उसने ये सही किया या गलत.

"मेने ये गलत तो नहीं कर diya,mene अपनी बहिन को भी खो दिया aaz....nahi,agar म आज उस से नहीं कहता तो म मर jata,kam से काम अब सुकून तो है की मेने उसे कह तो दिया. अब बस मुझे उसे मानना है किसी भी तरह से."

इस तरह काफी देर तक उसके दिल ुर दिमाग मई लड़ाई होती rahi,aur वो सो गया. इधर आशु भी रोटी rahi,sochti रही की ये सब उसके साथ hi क्यों होता hai,aur वो भी काफी रात म सोई.

नेक्स्ट डे 8 ऍम से ऊपर हो चुके थे. अंजलि ऊपर आयी और उन दोनों को जगा दिया. पहले आशु रेडी होकर नीचे आयी तो उसे देख कर अंजलि बोली-

" Ashu,teri आँखे क्यों सूजी हुई है".

आशु हड़बड़ा सी गयी और बोली-" कुछ नहीं मम्मी रात म बहुत देर से सोई".

अंजलि: achha,aur आज तो आर्यन ने भी हद kardi,ab तक सो रहा hai,wo तो कभी इतना लेट तक नहीं सोता और न hi गयम गया.

अंजलि ये सब कह hi रही थी की उसे आर्यन आता हुआ दिखाई दिया. वो नास्ता करने lage,naste के टाइम आर्यन ने आशु को 2-3 बार देखा बूत आशु चुप चाप सर नीचे किये हुए hi अपना नास्ता कर रही थी. नास्ता करने के बाद आशु अपना बैग उठाकर बहार जाने लगी तो अंजलि बोली-

अंजलि- तू कहा जा रही hai,rukja आर्यन भी तो आ रहा है.

आशु: मम्मी म अपने आप चली jaungi,bacchi नहीं हु म.

और वो वह से चली गयी.

अंजलि: इसे क्या hua,tum दोनों के बीच फिरसे झगड़ा हुआ क्या.

आर्यन हड़बड़ा gaya-:nahi तो.

और वो भी कॉलेज के लिए निकल गया. कॉलेज म उसके दोस्त भी समझ गए की आज आर्यन का मूड बहुत ख़राब hai,class के टाइम तो उन्होंने उस से कुछ नहीं पुछा. लंच टाइम मई जब वो कैंटीन म बैठे थे.

विकुल: आर्यन क्या हुआ yaar,tu आज इतना साद क्यों है.

आर्यन: नहीं कुछ भी तो नहीं है.

आयुष: देख आर्यन सच सच बता.

आर्यन: ok,jis लड़की के बारे मई मेने तुम्हे बताया था न कल मेने उसे पर्पस किया था बूत उसने मज्झे मन कर दिया.

विकुल: व्हाट?? तुझे मन कर दिया पर क्यों.

आर्यन ने सोचा की वो पहले hi उन्हें काफी बता चूका है अब और नहीं बताएगा तो वो बोलै.

आशु: वो किसी और से प्यार करती hai.(usne झूट कहा).

वो दोनों भी उसके लिए थोड़ा साद हुए फिर उसे समझते हुए बोले.

आयुष: कोई बात नहीं yaar,life म ऐसा होता hai,bas अब तू उसके बारे मई ज्यादा मत सोच.

विकुल: है yar,aur जरुरी तो नहीं है न की जिस से हम प्यार करे वो भी हमसे प्यार करे. चिल bhai,aur बहुत लड़किया है यहाँ.

आर्यन: ठीक hai,class मई चलते है.

वो क्लास मई चले गए.

इधर आशु भी रात हुई सब बातो को सोचे जा रही थी. अदिति भी सब नोटिस कर रही थी की वो आज काफी परेशां hai,usne कई बार आशु से पूछा भी बूत उसने कुछ नहीं बताया.

आज का दिन दोनों के लिए काफी मुश्किल भरा था. छुट्टी के बाद दोनों घर आये. आर्यन तो पहले hi आ चूका था और खाना खाकर बहार चला गया था जबकि आशु खाना खाकर ऊपर अपने कमरे मई चली गयी. रात न सोने की वजह से उसे नींद आ गयी और वो सो गयी.
 
अपडेट 15

शाम हो जाने पर आशु की आँख खुली. वो नीचे आयी तो उसकी नज़र वह बैठे आर्यन पर पड़ी. उसने गुस्से से अपनी नज़र फेरली. आर्यन ने उसके चेहरे पर आये गुस्से के भाव को देख लिया था. वो किचन मई अपनी मम्मी के पास चली गयी और उनकी हेल्प करने लगी. रात मई डिनर के लिए सभी बैठे खाना खा रहे थे तो राजेश ने आशु से पूछा-

"आशु तुम दोनों मई फिरसे झगड़ा हुआ है क्या".

आशु: नहीं तो.

राजेश: तुम्हारी मम्मी बता रही थी की तुम आज आर्यन के साथ नहीं गयी थी कॉलेज.

Ashu:ha papa,wo मेरी एक दोस्त यही पास मई hi रहती hai,m उसकी साथ hi चली जाया करुँगी.

अब आर्यन भी उनके बीच मई कूदते हुए bola-"papa इसकी कोई दोस्त नहीं रहती इस एरिया mai,jhoot बोल रही है ये".

आशु को बिलकुल भी उम्मीद नहीं थी उनके बीच मई ये भी bolega,use बहुत गुस्सा आ गया और गुस्से से बोली-" तू अपने काम से मतलब rakh,mere मटर म इंटरफारे करने की जरुरत नहीं है".

आर्यन कहा पीछे रहता-" अपने काम से hi तो मतलब रख रहा हु". और उसने आशु की तरफ स्माइल ki,Ashu तो गुस्से से पागल हो गयी.

आशु: पापा इसे चुप करलो वर्ण मुझे बाद मई मत कहना की मेने क्या कर दिया.

राजेश उसे डांटते हुए बोलै: तुझे इतना गुस्सा किसलिए आ रहा hai,usne तो गुस्से वाली कोई भी बात नहीं की hai,jhoot तो तू बोल रही है की तेरी दोस्त यहाँ से जाती hai,akhir तुझे अपने भाई के साथ जाने मई क्या प्रोब है".

आशु गुस्से से उठते हुए बोली-" मेने एक बार कह दिया न की मई इसके साथ नहीं जाउंगी तो नहीं jaungi,aur मेरा भाई नहीं है ये".

अंजलि: आशु ये किस तरीके से बात कर रही है tu,bhai बहिन मई झगडे होते रहते है पर इसका मतलब ये नहीं है की तुम इतनी सीरियस हो jao,aur रही कॉलेज जाने की बात तो sunle,agar तू जाएगी तो आर्यन के साथ जाएगी वर्ण कोई जरुरत नहीं है कॉलेज जाने की".

आशु गुस्स्से से बोली:" अभी इतना प्यार आ रहा न आपको अपने इस लाडले par,agar मेने इसकी करतूत आपको बता दी न तो आप खुद इसे जान से मार डालोगे".

आर्यन की तो पूरी तरह से फैट gayi,use लगने लगा की आज तो वो यमराज से मिलेगा.

अंजलि: क्यों ऐसा क्या कर दिया इसने.

आशु: ये आप इस से hi पूछलो.

राजेश आर्यन से कहता है-

राजेश: आर्यन क्या किया तूने.

आर्यन: मुझे नई पता मेने क्या गलत किया hai,ap आशु से hi पूछो.

अंजलि: बता ab,kya किया ह इसने.

आशु: खुद पूछलो इस से.

इतना बोलकर वो वह से ऊपर अपने कमरे मई आ gayi,use इतना गुस्सा आ रहा था की उसने अपने कमरे मई फ्लावर पॉट उठा कर नीचे पटक दिया.

आशु: अपने आपको क्या समझता है बेशर्म कही ka,mai सिर्फ इस वजह से चुप हु क्योंकि वो इकलौता बीटा है इस घर ka,Mummy पापा भी उसे बहुत प्यार करते है. अगर मेने उन्हें सच्चाई बता दी तो मार देंगे उसे. और है तो मेरा भाई hi,m भी तो उस से बहुत प्यार करती हु. क्यों किया आर्यन तूने aesa,tu कैसे अपनी hi बहिन से प्यार कर सकता hai,kam से काम हमारे रिश्ते के बारे मई तो सोच लेता." वो अपने आप से कहती हुई रोने लगी.

जब उसने वो फ्लावर पॉट तोडा तो उसकी आवाज़ नीचे गयी.

अंजलि: dekhlo,is लड़की ने फिर तोड़ फोड़ करनी शुरू करदी. इसे इतना गुस्सा क्यों आता है.

निर्मला: अभी बचपना है usme,dheere धीरे सब समझ jayegi,aur तू. तूने क्या कहा है उसे की वो इतनी भड़की हुई है.

आर्यन: दादी मेने तो कुछ गलत कहा hi नहीं use,agar उसे गलत लगा है तो बताये न वो.

अंजलि: छोडो use,uska तो दिमाग ख़राब हो चूका है.

कुछ देर उन्होंने टीवी देखा और वो सोने चले गए.

नेक्स्ट day,Ashu रेडी होकर नीचे आयी तो पूरी फॅमिली ब्रेकफास्ट कर रही थी. वो भी आकर नास्ता करने लगी. उसके बाद वो बैग उठाकर जाने लगी तो


राजेश: बीटा ruko,Aryan भी आ रहा है.

आशु: पापा मेने कहा न, म खुद चली जाउंगी.

अंजलि: उसके साथ नहीं jana,to तेरा कॉलेज जाना कैंसिल.

आशु ने अपने पापा की तरफ सवालिया नज़रो से देखा-

राजेश: बीटा ठीक hi तो कह रही तेरी mom,aur अपने भाई के साथ जाएगी तो तेरी सेफ्टी की भी कोई चिंता नहीं.

आशु अपने आप से: इस कुत्ते से hi तो अब म सेफ नहीं हु.

अंजलि: क्या कहा तूने.

आशु: कुछ नहीं.

आर्यन बहार चला गया बूत वो वही कड़ी रही.

अंजलि: अब जा na,ab देर नहीं हो रही तुझे.

आशु गुस्से से बड़बड़ाती हुई चली गयी. आर्यन ने बाइक स्टार्ट कर राखी थी तो वो बेथ गयी और धीरे से boli-besham है बिलकुल.

आर्यन ने ये सुन लिया था वो भी दिल मई hi बोलै: आशु तेरे लिए म कुछ भी बनने को रेडी hu,bas मुझे तेरा प्यार चाहिए.

वो चल दिए. आशु गुस्से से मुँह फुलाए बैठी थी और बड़बड़ाती जा रही थी. आर्यन उसे मिरर से देखे जा रहा था और मुस्कुरा रहा था. वो उस टाइम बहुत प्यारी लग रही thi,aryan ने उसे और छेड़ने का सोचा-

आर्यन: किसी ने सच hi कहा hai,ladki गुस्से मई और भी खूबसूरत लगती है.

आशु ये सुनकर मनो उबाल पड़ी.

आशु: तू चुपचाप बाइक chala,m सिर्फ मम्मी पापा की वजह से तेरी साथ आयी हु वर्ण मुझे तेरी शकल भी नहीं देखनी.

आर्यन को ये सुनकर दुःख हुआ भट वो भी कहा पीछे rehta,wo तो सोच hi चूका था की वो आशु के हर गुस्से को पि lega,chahe वो उस से कितना भी गुस्सा क्यों न ho,chahe वो उसे कितनी भी बाते क्यों न सुनाये.

आर्यन: तुझे ये शक्ल पसंद नहीं है na,dekhna एक दिन तू इसी शकल से प्यार करेगी.

आशु: जो इंसान अपनी बहिन को hi हवस की नज़रो से देखता है उस से प्यार तो बहुत dur,m उसे नफरत के क़ाबिल भी नहीं समझती.

बस उसकी ये hi बात आर्यन के दिल पर लग गयी. उसने बाइक को रोका और बाइक से उतारकर आशु के सामने खड़ा हो गया और चिल्लाते हुए bola-"Tujhe समझ मई नहीं आता kya,m सिर्फ तुझसे प्यार करता हु तेरे जिस्म से नहीं. मुझे लड़कियों की कमी नहीं है जो मुझे तेरे जिस्म की हवस हो."

शुक्र था की जहा उसने बाइक रोकी थी वो हाईवे tha,isliye वह उनकी बाते सुनने वाला कोई नहीं था.

आशु: अजय भी यही कहता tha,but तुमने देखा न वो भी सिर्फ जिस्म का भूखा था.

आर्यन: पर म अजय नहीं हु.

आशु: तू है तो लड़का hi न.

आर्यन: आशु प्ल्ज़ समझने की कोसिस kar,m तुझसे बहुत प्यार करता हु.

आशु: तुझे ये भी पता है अगर तेरी इन हरकतों का किसी को पता चल गया तो क्या होगा.

आर्यन: मुझे कोई फ़र्क़ नहीं padta,m सिर्फ तुझे चाहता हु.

आशु: तुझे फ़र्क़ नहीं पड़ता पर मुझे पड़ता है. तुझे तो खुद पर शर्म आणि चाहिए की तू ये सब अपनी बहिन से बोल रहा है.

आर्यन: तो इसमें मेरी क्या गलती है की मुझे अपनी hi बहिन से प्यार हुआ.

आशु: तुझसे बहस करने से अच्छा है म अपना सर फोड़ lu,m चली जाउंगी खुद तू जा.

और ये बोलकर उसने एक ऑटो को रोका और चली गयी. आर्यन को समझ नहीं आ रहा था वो क्या kare,kuch देर वो ऐसे hi खड़ा रहा फिर वो भी कॉलेज चला गया. आशु की छूती होने से पहले hi वो उसके कॉलेज के गेट पर पहुंच गया. आशु छुट्टी होने के बाद बहार आयी तो उसने आर्यन को बहार खड़े हुए देखा. वो उसे अनदेखा करके चलती रही. आर्यन उसके पास आया. पर वो बाइक पर नहीं बैठी और पैदल hi चलती रही वो भी उसके साथ साथ चलता raha,kafi देर बाद.

आशु: तुझे समझ नहीं आता kya,mujhe नहीं जाना तेरे साथ.

आर्यन: चल न Ashu,m कुछ नहीं बोलूंगा.

फिर वो बेथ gayi,wo दोनों चुप चाप the,aur इस तरह वो घर आ गए.
 
अपडेट 16

शाम को सब डिनर के लिए बैठे थे. आर्यन बिलकुल आशु के सामने hi बैठा था. आर्यन कहते हुए उसे hi देखे जा रहा tha,Ashu भी बहुत देर से ये नोटिस कर रही थी. जब बहुत देर हो गयी तो-

Ashu(gusse से): तुझसे आराम से खाना भी नहीं खाया जाता क्या.

आर्यन: kyu,aur कैसे खाते है.

अंजलि: आशु वो तो चुपचाप खा रहा hai,tujhe hi बस उस से लड़ने का बहाना चाहिए.

आशु: सब इसकी hi साइड लेते है.

और वो खाना छोड़कर चली gayi,sabne उसे रोका की खाना फिनिश करले बूत वो गुस्से से अपने रूम मई चली गयी.

राजेश: ये लड़की इतने गुस्से मई क्यों रहती है. खाना भी छोड़कर चली गयी.

अंजलि: आज उसे भूका hi रेहनेदो तब पता चलेगा.

अब आर्यन को थोड़ा दुःख हो रहा था की उसकी वजह से वो खाना छोड़ के चली गयी. और इधर आशु अपने कमरे मई इधर से उधर टहल रही थी.

आशु: इस आर्यन को तो म छोडूंगी nahi,iski वजह से मेने खाना भी नहीं khaaya,kitni जोरो की भूख लगी है mujhe,kya करू म. नीचे जाकर खाना khalu..nahi,phir सब मेरी टांग kheenchenge.uhhhhh आर्यन.

वो गुस्से से फुसफुसाती हुई बोली.

यहाँ आर्यन किचन मई gaya,aur थाली मई खाना परोसने लगा. उसके पेरेंट्स टीवी देखने मई बिजी थे तो वो ऊपर खाना लेकर जाने लगा. वो आशु के कमरे के पास खड़ा होकर सोचने लगा की जाये या न जाये. अगर गया तो वो भूखी बिल्ली फिर से पंजा मारेगी बूत वो अपने दिल की मंटा हुआ चला गया. उसने गेट खोला तो आशु उसे देखकर गुस्से से बोली-

आशु: तू क्या कर रहा है मेरे रूम mai,bahar जा.

आर्यन: yaar,kyu इतना गुस्सा कर रही है bewajah,khaana तो खा ले.

आशु: यार किसको बोलै तू. बहिन हु मई teri,behan बोल.

आर्यन: बूत तूने hi तो कल बोलै था न की मेरा कोई भाई नहीं hai,aur मेने तो बहुत पहले से तुझे बहिन मानना छोड़ दिया है तो यार कहने मई क्या बुराई है.

आशु: कितना नीच है tu,tujhe जरा भी शर्म नहीं आती न अपनी बहिन के बारे मई ये सब वाहियात बाते सोचते और कहते हुए.

आर्यन: अपनी फीलिंग शेयर करना गलत थोड़ा hi है.

आशु: है गलत नहीं है बूत अपनी बहिन के लिए वैसे फीलिंग रखना गलत hai,galat नहीं पाप है.

आर्यन: मुझे पाप और पुण्य का नहीं pata,par इतना जरूर पता है की मई तुझसे बहुत प्यार करता hu,khud से भी जयादा. और खाना खा लेना मेरा गुस्सा खाने पर उतारने की जरुरत नहीं है.

और ये बोलकर आर्यन अपने कमरे मई आ जाता है. उसके जाते hi आशु खाने पे टूट पड़ती है.

खाना कहते हुए आशु खुद से कहती है: सही कहा तूने म अपना गुस्सा खाने पे क्यों उतारू बूत thankx,warna मुझे आज भूखे पेट सोना पड़ता.

उसने खाना खाया और लेट गयी वो सोचने लगी-" क्या सच मई आर्यन मुझसे इतना प्यार करता hai,but उसे सोचना चाहिए था की म उसकी बहिन हु. ये तो पक्का है की वो मुझे चाहता है मेरे जिस्म को नहीं, बकज़ अगर ऐसा होता तो उसकी तो बहुत गफ रह चुकी है सेक्स तो वो उनके साथ भी कर सकता hai....chhhiiii म भी क्या सोच रही hu,bhale hi वो गलत रस्ते पर चल रहा है पर मुझे उसे रोकना hoga,use समझाना होगा की ये गलत है. Ha,m कल उस से बात करुँगी". ये hi सब सोचते सोचते वो सो जाती है.

नेक्स्ट day,sabka वही routine,Aryan गयम mai,Anjali किचन mai,dadi पूजाघर म. फिर ब्रेकफास्ट हुआ और आर्यन कॉलेज के लिए निकलने laga,Ashu भी उसके पीछे पीछे आ गयी. हालाँकि आर्यन को विस्वास नई हुआ की आशु इतनी आसानी से आ जाएगी उसकी साथ. वो दोनों कॉलेज के लिए चल दिए. दोनों मई से कोई नहीं बोल रहा tha,jab कॉलेज आ गया उसने बाइक रोकी.

आशु: 1 पं पर आ जाना.

आर्यन: ok.

और वो चला गया, फिर वही रोज़ की तरह आर्यन तो बस आशु के खयालो मई खोया rehta,uske फ्रेंड सोचते की वो साद है. Khair,wo एक बजे से बहुत पहले hi आशु के कॉलेज चला गया. उसने उसी कॉफ़ी शॉप पर बाइक रोकी और कॉफ़ी आर्डर करदी. कुछ देर बाद एक लड़का ऑर्डर लेकर आया. उसकी आगे 17-18 साल होगी.

लड़का: भैय्या आपकी कॉफ़ी.

आर्यन: रखदे.

लड़का: भैय्या आप जिस दीदी को रोज़ लेने आते हो वो आपकी गफ है क्या.

आर्यन ये सुनकर खुश हुआ और बोलै-" है वो मेरी गफ hai,kyu".

लड़का: क्योंकि वो बहुत ाची है.

आर्यन: ऐसा क्यों.

लड़का: म बहुत गरीब फॅमिली से हु. मेने 10तह तक पढाई की है फिर घर की स्तिथि अच्छी नहीं थी तो मेने पढाई छोड़ दी, और यहाँ काम करने लगा. एक दिन आशु दीदी यहाँ अपने दोस्तों के साथ आयी हुई थी. तो म उन्हें कॉफ़ी सर्वे कर रहा tha,phir वो मेरे बारे मई पूछने लगी और मेने उन्हें सब बता दिया. फिर उन्होंने मुझे समझाया की गरीब लोगो के पास अच्छे से ज़िन्दगी जीने का सिर्फ पढाई hi एकमात्र हथियार होता है. और अगले दिन वो मुझे लेकर स्कूल गयी और खुद के पेसो से मेरा एडमिशन कराया. अब 1 बजे तक स्कूल जाता हु और उसके बाद यहाँ आता हु.

आर्यन ये सब सुनकर आशु से और ज्यादा प्रभावित hua,use पता था की वो दिल की बहुत अच्छी है बूत वो तो सबकी हेल्प करने म hi लग जाती है.

आर्यन: है वो बचपन से hi ऐसी hai,tum बताओ क्या नाम है तुम्हारा.

लड़का: मेरा नाम समीर है.

समीर: और आपका.

आर्यन: मेरा नाम आर्यन है.

इस तरह वो कुछ और बाते करते है और फिर आर्यन को आशु का कॉल आता है.

आशु: कहा हो tum,mene तुम्हे 1 बजे आने को कहा था.

आर्यन: शांत शांत झांसी की rani,m तो 12 बजे से hi यहाँ बैठा हु कॉफ़ी शॉप मई.

आशु: ok,aa जाओ.

 
अपडेट 17

आर्यन कॉफ़ी शॉप से बहार आया और बाइक उठाकर आशु के पास आ गया. आशु बाइक पर बेथ गयी. जब आर्यन बाइक चलने लगा तो आशु कहती है-

आशु: बाइक पार्क की तरफ लेले.

आर्यन मजाक म बोलता है-" पार्क मई kisliye,mujhe मारने के लिए गुंडे बुलाये है क्या".

आशु: तुझे मरने के लिए मई hi काफी हु.

आर्यन नॉटी स्टाइल मई कहता है-" कही तू मेरे साथ कुछ ऐसी वैसी हरकत करने की तो नहीं सोच रही न".

आशु को उसकी बात पर हसी आयी बूत वो गुस्सा दिखते हुए बोली-" तुझसे थोड़ी देर चुप नई बैठा जाता क्या".

Khair,wo पार्क पहुंच गए. आर्यन ने बाइक कड़ी की और दोनों पेड़ के नीचे बानी हुई जगह पर बेथ गए. दोपहर का टाइम था तो पार्क मई बहुत काम लोग थे.

आर्यन: बता यहाँ किसलिए लेकर आयी है.

आशु: तुझे अपने बर्फ से मिलाना है.

आर्यन को एक पल के लिए बहुत गुस्सा aaya,but फिर उसने चिल किया क्योंकि वो 100% सूरे था की आशु की लाइफ मई कोई नहीं है.

आर्यन: ठीक hai,agar तुझे उसे जान से मरवाना है तो बुला ले.

आशु: मतलब क्या ह तेरा.

आर्यन: सिंपल और साफ़ मतलब hai,teri लाइफ मई मेरे सिवा कोई और नहीं आ सकता. अगर कोई आया तो तेरी कसम आशु म उसे जान से मार दूंगा.

आशु को बहुत गुस्सा आया उसकी बात सुनकर बूत उसने कण्ट्रोल किया

आशु: देख Aryan,tu मेरी बात ठन्डे दिमाग से सुन. जो तू चाहता hai,hamare बीच ऐसा कुछ भी नहीं हो sakta,kabhi भी nahi,marte डैम तक नहीं.

आर्यन: hoga,jarur होगा और इसी जनम मई होगा.

आशु गुस्से से चिल्लाते हुए कहती है-" तुझे मेरी बात समझ मई क्यों नहीं aati,ham भाई बहिन hai,hamare बीच मई ऐसा सोचना भी पाप hai,samaz इन बातो को नहीं मंटा".

आर्यन भी टो मई आ चूका tha-"paap पुण्य का काम तो भगवन का hai,ye उसपर छोड़ दे. और रही बात समाज की तो मुझे फ़र्क़ नहीं पड़ता समाज से".

आशु: तेरे फ़र्क़ पड़ने या न पड़ने से कुछ नहीं होता आर्यन. हम इस समाज मई रहते है तो हमें समाज के बनाये हुए नियमो पर hi चलना पड़ता hai,na की तेरे दिमाग मई पनपे इन गंदे विचारो की.

आर्यन: आशु प्ल्ज़ तू समझने की कोसिस kar,m इस samaz,niyam, kanoon,pap इन सबसे बहुत दूर आ चूका hu,m अब मर तो सकता हु लेकिन पीछे नहीं हैट सकता. म तुझे कितना चाहता हु म शब्दों म बयां भी नहीं कर सकता आशु.

और ये कहते हुए आर्यन की आँखों मई आँशु आ गए. ये देखकर आशु थोड़ी नार्मल हुई और प्यार से boli-"Bhai मेरी बात ध्यान से sun.tu hi soch,agar मम्मी पापा को पता चल गया की तेरे दिमाग मई ये सब चल रहा है तो वो hi तुझे मार देंगे और खुद भी मर जायेंगे. इस दुनिया मई इस रिश्ते को कोई नहीं अपनाएगा जो तू चाहता है. Maa,baap,dost, रिस्तेदार सब तेरे अगेंस्ट हो जायेंगे. Mummy,papa,dadi सब तुझसे इतना प्यार करते है क्या तू चाहता है की उनका सर सबके सामने नीचे ho,kya तू चाहता है की वो शर्म से मर जाये. नहीं na...tu कबसे मुझसे प्यार करता है 4 साल,5 साल,6 साल बस. लेकिन उन्होंने हमें पला hai,hamari हर इच्छा पूरी की hai,agar हमें एक चींख भी आ जाये तो पूरी पूरी रात वो जाग कर काट देते है. तो क्या 5-6 साल के प्यार के लिए तू उनका 23 साल का क़र्ज़ भूल जायेगा. उन्होंने हमसे बहुत उम्मीदे लगायी hai,bahut भरोसा करते है हम पर. तो तू कैसे सिर्फ अपने प्यार के लिए इतने लोगो का भरोसा तोड़ सकता है".

ये सब बाते सुनकर आर्यन जैसे सिहर सा गया ho,ek पल मई hi जो उसके पेरेंट्स ने उनके लिए किया वो सब उसकी आँखों के सामने से गुज़र गया. वो अपने आपको गाली देने लगा की क्यों वो सिर्फ अपने प्यार के बारे मई hi सोच रहा है. उसकी जिंदगी पर और भी तो बहुत लोगो का हक़ है न, तो फिर क्यों वो ये सब कर बैठा. बूत ये भी तो सच है न की वो आशु से बेइंतिहा प्यार करने लगा था. तब आर्यन भीगी हुई पलकों से आशु को कहता है-" तू ठीक कह रही है Ashu,m सिर्फ अपने बारे मई hi सोच रहा हु. मेरी लाइफ मेरे मम्मी पापा की भी तो दें है तो म फिर क्यों ये सब भूल गया. लेकिन सच्चाई ये भी तो है न की म तुझसे बहुत प्यार करता hu,m तेरे प्यार मई इतना आगे निकल आया हु की म अब पीछे नहीं हैट सकता".

और ये बोलकर आर्यन रोने laga.tab आशु भी रोटी हुई बोली-" भाई मुझे बहुत अफ़सोस है की म तेरे लिए कुछ भी नहीं कर सकती. बूत अगर मई तेरी बहिन न होती न तो शायद आज म सब कुछ भूलकर तेरा प्यार एक्सेप्ट कर लेती. लेकिन हम दोनों का रिस्ता बहुत पाक है आर्यन".

आर्यन-" मुझे पता है बूत म क्या करू. म सब समझ रहा हु बूत मेरा दिल तो नहीं समझता न कुछ bhi,ye तो बस तुझे hi चाहता है. तू hi बता क्या करू म".

आशु को आर्यन की हालत देखकर बहुत तरस आ रहा था. वो आज अच्छी तरह समझ गयी थी की आर्यन उस से कितना प्यार करता है बूत वो भी तो बहुत मजबूर थी.

आशु: आर्यन म समझ गयी हु की जितना प्यार तू मुझसे करता है शायद इस दुनिया मई कोई और नहीं कर सकता लेकिन म बहुत मजबूर हु आर्यन. म अपना parents,samaz के विरुद्ध नहीं जा सकती.

आर्यन: तो म क्या करू Ashu,tu hi बता.

आशु: आर्यन म तुझे हर्ट नहीं करना chahti,but तू सब कुछ भूल जा. इसमें hi हम सब की भलाई है.

आर्यन: तुझे जरा भी फ़र्क़ नहीं पद रहा आशु.

आशु ये सुनकर अपने आपको रोक नहीं पायी और आर्यन के गले लग गयी.

आशु: बहुत फ़र्क़ पद रहा है Aryan,bs म दुआ कर सकती हु की अगले जनम मई हम भाई बहिन न हो. इस से जयादा मई तेरे लिए कुछ नहीं कर सकती. तू मुझे भूल जा आर्यन".

आर्यन कुछ नहीं बोलै बस आँशु बहता raha,phir कुछ सोचकर बोलै-" ठीक है जैसा तू कहेगा म ऐसा hi karunga,m तुझे भूलने की पूरी कोसिस karunga,lekin अगर नहीं भूल पाया तो.."

आशु: आर्यन तुझे भूलना पड़ेगा. अपने बारे म नहीं तो मेरे बारे म सोच. म अपने लिए किसी को भी हर्ट नहीं करना चाहती.

आर्यन: बीएस मुझे हर्ट कर सकती ह.

आशु: म बहुत जयादा मजबूर हु.

फिर वो कुछ देर ऐसे hi चुप चाप बैठे rahe,dono की आँखों मई आँशु थे. फिर आर्यन ने आशु को घर चलने के लिए कहा और वो घर के लिए निकल गए.
 
अपडेट 18

घर आकर वो दोनों अपने अपने कमरे मई आ गए. अंजलि ने खाने के लिया बुलाया तो दोनों ने hi मन कर दिया. शाम तक दोनों अपने कमरे मई hi रहे. आर्यन बस खुद को hi कोसे जा रहा था. आर्यन: इस से अच्छा तो ये होता की मुझे अपनी फीलिंग्स के बारे मई पता hi नहीं चलता. मुझे आशु से प्यार hi न होता. म उसे कैसे भुला सकता हु वो तो मेरी राग राग मई बसी हुई है. लेकिन आशु भी तो सही बोल रही hai,kya मई अपनी ख़ुशी के लिए इतने लोगो की ज़िन्दगी बर्बाद कर दूंगा. Nahi,m अब आशु दे दूर रहने की कोसिस करूँगा. उसने सही कहा था इसमें hi हम सब की भलाई है.

कुछ देर बाद वो घर से निकल कर आयुष के पास चला गया. इधर आशु भी अपने रूम मई पड़ी सोच रही thi-"bhagwan करे आर्यन की सब समझ मई आ jaaye,us से बहुत से लोगो की लाइफ जुडी हुई है. भाई तुझे मुझसे hi प्यार क्यों hua,wo भी अपनी hi बहिन से."

ये सोचकर उसकी भी आँखों मई पानी आ गया. कुछ देर बाद वो सो गयी.

शाम के टाइम आशु सोकर उठी और फ्रेश होकर निचे आयी. नीचे आकर उसकी नजरे सिर्फ आर्यन को hi ढून्ढ रही थी. उसने अंजलि से पुछा.

आशु: मम्मी आर्यन कहा है.

अंजलि: पता नहीं कॉलेज से आने के कुछ देर बाद hi बहार चला गया था.


डिनर का टाइम hua,Rajesh भी आ चूका था. डाइनिंग टेबल पर राजेश ने पुछा-

राजेश: आर्यन कहा hai,dikhai नई दे रहा वो.

अंजलि: वो बहार गया था अब तक आया hi नहीं.

आशु को बहुत फ़िक्र होने लगी क्योंकि वो जब भी बहार होता था डिनर से पहले hi आ जाया करता था. उसके मन मई पता नहीं क्या क्या आ रहा था.

आशु: पापा आप कॉल करके पूछलो उस से.

राजेश ने उसे कॉल लगाया.

राजेश: hello.

आर्यन: जी पापा.

राजेश: बीटा कहा हो tum,sab घर पर तेरा वेट कर रहे है. डिनर का टाइम हो गया और तू अब तक बहार hi है.

आर्यन: आता हु papa,aur खाना म खाकर aaunga,aap लग खा ले.

राजेश: ok beta,jaldi आ जाना.

राजेश ने बाकि सबको बताया. फिर सबने डिनर किया. डिनर के बाद आशु बर्तन धोने लगी और बाकि सब बाते करते रहे. फिर वो टीवी देखने लगे. 9 बज गए थे बूत आर्यन अब तक नहीं आया था. आशु को उसकी बहुत फ़िक्र हो रही थी कही वो कुछ ऐसा वैसा न करले. Khair,use आर्यन आता हुआ दिखाई दिया.

निर्मला: आर्यन ये क्या टाइम है घर आने का.

आर्यन: सॉरी dadi,wo आयुष के भैय्या ने बिना खाना खाये आने hi नहीं दिया.

अंजलि: चल ठीक hai,koi बात नहीं.

कुछ देर बाद वो अपने रूम मई चला गया. आशु भी उसके पीछे पीछे उसके रूम मई आ gayi,Ashu को देखकर वो बीएड पर बेथ गया और नज़रे नीची karli,jese की वो उसे देखना न चाहता हो.

आशु: आर्यन कहा था tu,pata है म कितनी दर गयी थी.

आर्यन: तुझे लगा होगा की म कुछ ऐसा वैसा न करलु इसलिए. म इतना कायर भी नहीं हु.

आशु: चल chhod,khaana लौ तेरे लिए.

आर्यन: म खाना खाकर आया हु.

आशु: तू झूट तो नहीं बोल रहा न.

आर्यन: और म झूट क्यों बोलूंगा.

आशु: नहीं मेने सोचा कभी मेरा गुस्सा खाने पर उतार रहा हो.

आर्यन: म अपना गुस्सा खाने पर नहीं उतरता और वैसे भी म तुझसे गुस्सा नहीं हु.

आशु: फिर तू मुझसे नजरे झुककर बात क्यों कर रहा है.

आर्यन: क्योंकि तूने hi कहा है की म तुझे भूल jau,to वही कोसिस कर रहा हु.

आशु: बूत म तेरी बहिन भी तो हु.

आर्यन: म बहुत पहले hi भूल चूका था की तू मेरी बहिन है.

आशु उदासी से कहती है: आर्यन क्या हम पहले की तरह नहीं रह सकते भाई बहिन की तरह.

आर्यन: nahi....Mujhe अब नींद आ रही है.

आशु समझ गयी की वो उसे जाने के लिए बोल रहा है. आशु को बहुत दुःख हो रहा था की ये सब उसकी साथ hi क्यों हो रहा है. वो अपने कमरे मई आ गयी और रोने lagi,is तरह उनका ये दुःख भरा दिन गुज़र गया.
 
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