Adultery Raj-- hero of the family - Page 42 - SexBaba
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Adultery Raj-- hero of the family

अपकमिंग मेघा अपडेट टुडे 6 पं

एंग्री निर्वाण......
 
अपडेट 137

मेघा अपडेट

एंग्री निर्वाण

शिवानी बंगलो…

राज मोबाइल मई सांग सून रहा था …..शो में थे मीनिंग ऑफ़ बीइंग लोनली…. सो मान्य वर्ड्स फॉर ब्रोकन heart……it's हार्ड तो सी इन ा क्रिमसन love…..so…hard तू breathe…..ye सांग सुनते सुनते वो कुढ़ के लिए और शिवानी के लिए खाना बना रहा था …… .

शिवानी--- क्या बात ह आज हीरो सांग सून रहा ह….

राज---- मेरे अकेलेपन मई ये बहुत रिलेक्स देता ह और अब आदत हो गयी इसकी …..बेबस दस मिनट मई दाल चावल और सब्जी रेडी हो जायेंगे ….आपकी दीदी कान्हा ह….

शिवानी--- वो क्या वो कर रही होंगी किसी की ठुकाई….

राज---- हम्म्म धयान हे रखना वो शार्ट टेम्पर वाली ह ….मुझसे भी पहली बार मई बिना वजह जाने हे भीड़ गयी थी 😀…….एक नंबर लड़ाकू ह 😂…..कहने को होसियार ह बूत गुसाई मई पगला जाती ह🤦…..

शिवानी--- है बताया था उन्होंने पर तुमसे काम अत ह🙄 समझे ….तुम भी तोह उन्हें मारने वाले the🤨…aur अब देखो … दोनों एक दूसरे के लिए कितनी अहमियत रखते हो… अरे ये गाड़ी की आवाज तोह दी वाली की ह लगता ह वो आगयी ह …….लो तुम भी देखलो उनके दिल मई तुम्हारे लिए बहुत खास जगह ह जो आज जल्दी हे आगयी ह ……मैं जेक देखती हु…..

पर गेट खोलने से पहले हे सोनाली अंदर आगयी…

राज---- मुस्कराकर क्या बात ह अभी तोह रात के 10 हे बजे ह आज तोह जल्दी हे आगयी बड़ी😀 मेहरबानी सर्कार की …..बिलकुल राइट टाइम आयी हो चलो साथ हे खाना कहते ह ………आप फ्रेश होकर ाजाओ मैं खाना लगता हु…..

सोनाली राज के चारे की मुस्कराहट देख कर एक पल तोह सब भूल गयी पर जल्द हे उसे सब याद आगया पर उसने अभी कुछ नहीं कहा और हाथ मू धोने चली गयी ….

पीछे राज और शिवानी को लगा की सायद ऑफिस मई काम का प्रेशर होगा …..

राज और शिवानी ने टेबल पर खाना लगाया …राज ने सोनाली को खाना अपने हाथो से परोसा और सोनाली राज को एक तक देखती रही ….. उसका दिल उसके दिमाग पर हावी होने की कोसिस कर रहा tha…..isliye उसके अंदर दिल और दिमाग मई जुंग सुरु हो गयी थी…

राज---- चलो आज मई आपको अपने हाथो से खिलता हु ये कहकर उसने सोनाली की चेयर अपनी तरफ काली और मुस्कराकर उसे देखने लगा …आप बहुत बहुत शिकायत करती हो की मुझे टाइम नहीं देते हो इस बार 10 दिनों से आपके पास हे हु ….अब आप मुझसे लड़ेगी नहीं करोगी समझी ….. खाना आपको मुझे खिलाना चाहिए पर सेवा मैं आपकी कर रहा hu…batao ये भी कोई बात हुवी

शिवानी--- तोह क्या हुवा हमारा हक़ ह हम तुमसे सीनियर ह मैं तुम्हारी हॉट बेब हु और दी तोह ……

राज---- आप ह न जायदा बोलने लगी हो …..

तभी सोनाली बोली---

सोनाली--- एक सवाल का जवाब डोज राज

राज---- सेवक आपके हर सवाल का जवाब dega….my क्वीन…

सोनाली--- अगर तुम तुम्हारे माबाप की मौत की वजह कोई अपना निकले तोह तुम क्या करोगे…..

Raj--—ke चेहरे की मुस्कान उस गयी फिर भी कड़वी मुस्कराहट चारे पर लेकर मेरे माबाप की मौत की वजह तोह मेरे अपने हे ह फिर भी अपने जो कहा सच ह तोह वो जिन्दा तोह रहेगा पर हर सांस के साथ तड़पेगा मैं उसे बेइंतिहा दर्द दूंगा फिर तीख करूँगा फिर दर्द दूंगा ……

सोनाली —- हम्म सही कहा तुमने हमे निकलना ह कुछ दिएर मई तुम्हारी पैकिंग मैं करके लेके आती हु ….जब तक तुम खाना फिनिश करो….

Raj----itni रात को पर हमे जाना कान्हा ह…

सोनाली--- क्या ये जानना जरुरी ह ……

राज---- नहीं…… तीख जैसा आप चाहो …

सोनाली — उठकर रूम मई आयी और दोनों की पैकिंग की और अपनी लोडेड गन बैग मई दाल कर निचे आगयी….

राज समाज गया था की आज मूड ख़राब ह क्योकि सोनाली के हर रिएक्शन बहुत उखड़े उखड़े थे ..इसीलिए उसे अंदाज़ा हो गया था की जरूर कोई बड़ी बात ह ….जो ये बोल नहीं रही ह …….हे भगवन सब सही ho…..phir सोनाली के साथ बिना किसी रिएक्शन के चल दिया

दोनों हे कार मई चुप बैठे थे ..राज को पता था की सोनाली खुद हे बोलेगी उसपर दबाव बनाना गलत होगा ….इसलिए उसने कुछ नहीं बोलै …और बिच बिच मई सोनाली को देखता रहता …….पर सोनाली तोह अपनी उधेड़ भून मई लगी हुवी थी ……उसका दिमाग कुछ और दिल कुछ कह रहा था इसलिए वो बिलकुल साइलेंट होकर ड्राइव कर रही थी… एक बोलना चाहता था तोह दूसरी कुछ भी कहना नहीं छाती thi…dil और दिमाग मई चल रही लड़ायी सोनाली को रोक रही थी बात करने से वो उलझने के बनवार मई बुरी तरह फंस गयी थी ये वही सोनाली थी जो राज के साथ अपनी हर साँस जी भर कर जीना चाहती thi…par आज…. 5 घंटे के सफर मई उसने कुछ भी नहीं कहा था सिवाए कॉफ़ी वैगरह पिने के…….. सुभे के 6 बज चुके थे ड्राइव करते हुवे सूरज की किरणे बिखर रही थी सहर से दूर पहाड़ियों से गिरा हुवा छोटा सा गाँव नज़र आने लगा फोर्टनेर गांव की गलियों से होती हुवी बहार के एक माकन पर आकर rooki…..sonali निचे उत्तरी और घर की तरफ चल दी तोह राज भी निचे उतर गया और सोनाली की पीछे चल दिया …….घर के आंगन मई एक औरत ने सोनाली को देखा तोह वो खुस हो गयी और ख़ुशी से बोली अरे सोना बीत्या… कितनी बड़ी हो गयी ho…aj पुरे 5 साल बाद आरही हो क्या माँ से मिलने का दिल नहीं करता ह……

राज जो पीछे सब सून रहा था उसने माँ का नाम सून घर को देखा लगा और मन मई बोलै तोह ये इनका घर ह…..

सोनाली--- जिसकी आंखे नाम हो चुकी थी उसने काकी से कुछ कहा नहीं और अंदर चली गयी…..

राज भी पीछे अंदर आगया राज ने अंदर चारो तरफ देखा तोह कमरे लगे हुवे थे जिन्हे देख वो समाज गया की सोनाली लाइव हे दूर से अपनी माँ को देखती hogi….wo सोनाली के पीछे पीछे हे चल रहा था सोनाली अंत मई एक रूम की तरफ आयी जंहा व्हील चेयर पे एक महिला बैठी हुवी थी …..उसकी निघाये बहार अन्नंत आसमान को देख रही थी चेहरे पे कोई एक्सप्रेशन नहीं था उसके चेहरे से हे ऐसा लग रहा था जैसे उसे जीने की कोई चाहा नहीं ह …..सोनाली ने अपनी माँ के आगे आकर गले लगाया .. सोनाली की माँ ने ध्यान से सोनाली को देखा पर उसका रिएक्शन ऐसा था जैसे वो उसे पहचाने की कोसिस कर रही हो …..अपनी माँ का ऐसा रिएक्शन देखा तोह उसका दिल बैठ गया दिल भावुक हो गया …..पर अपने दिल पर कभू और चेहरे पर झूटी मुस्कान लाकर बोली …माँ मैं आपकी sona…..apki बेटी सोना माँ …. …..राज पीछे खड़ा ये सब धयान से देख रहा था…. उसे बस यही पता था की सोनाली की माँ अकेली रहती ह …..और अपनी कसम की वजह से आज तक इस गाँव मई रह रही ह ……पर उसे ये नहीं पता था की सोनाली पिछले 5 साल से अपनी माँ से नहीं मिली ह …..इसका मतलब आज तक सोनाली उसे जो बाते करती थी माँ के बारे मई वो सब झूट हे बोलती thi….raj की आँखों ने आज सोनाली की उस साइड को महसूस किया जो दुनिया से उसने छिपा कर रख रखा था ….. उसका दिल भी दर्द की तैसे से तड़प utha……..sonali ने अपने आंसू पोंछे और कड़ी हो गयी ….पर अभी भी उसकी आँखों मई आंसू थे …….तभी उसे आवाज सुनाई डीई सोना बेटी तुम agayiiii…..apni माँ की आवाज सून सोनाली अपने माँ के गले लग गयी …….आज एक बेटी अपनी कसम को भूलकर सालो बाद अपनी माँ से गले लग गयी ……दोनों माँ बेटी हे भावुक हो कर रोने लगी………..

राज दोनों माँ बेटी को काफी दिएर बात करते देखता रहा फिर बहार आगया और हॉल से होते हुवे रूफ पर agaya…aur सोनाली के लिए सोचने लगा ….उसकी नज़र सामने के पहाड़ो से निकलते सूरज की तरफ thi…….wo कब तक खड़ा रहा उसे कुछ पता नहीं था….. पर उसकी सोच से बहार निकला एक आवाज ने ….

सोनाली--- है जो मैं माँ के बारे मई बताती थी सब झूट था…..

राज ने पीछे मुड़कर देखा तोह सोनाली हाथ मई गन लिए कड़ी thi…..uski आँखों मई बहुत सरे इमोशंस थे गुसाई के ढक के प्यार के …जिसे देख उसे पता लग गया की …वो अपने आप से हे लड़ रही ह….. राज के चेहरे पर मुस्कराहट आगयी ……और वो बोलै …. मुझे नहीं पता की आप क्यों झूट बोलती थी…. पर इतना जनता हु की अगर अपने मुझसे भी झूट बोलै तोह आपकी अपनी वजह hogi….par मुझे इतना जरूर जानना की आज 5 साल बात अचानक आप ऐसे हे तोह वापस नहीं आयी होंगी …..इसका मतलब साफ़ ह की आपको आपके परिवार का गुनेगार मिल गया ह……. क्यों सही कहा न…..

Sonali---Raj को एक तक देखती रही फिर बोली सही कहा तुमने ..राज ….इसलिए हे तोह तुम्हे यंहा लायी hu…..janna नहीं चाहोगे की किसने ये सब किया….

राज---- मुझसे जायदा ….कौन जानना चाहेगा बस आप नाम बताओ उसे मैं अपने हाथो से सजा दूंगा …..वो इतना तड़पेगा की साथ जन्मो मई भी इंसान के रूप मई जनम नहीं लेगा….

सोनाली-- पता ह राज ….. जब ये घटना हुवी मैं छोटी थी…. माँ मुझे यंहा ले आयी एक साल तक माँ किसी से नहीं मिली …..फिर एक दिन अचानक वो अपने रूम से बहार निकली और मुझे लेकर घर से बहार आयी और मेरी ट्रेनिंग सुरु कर दी पढ़ना लिखना और ट्रेनिंग बस यही चलता रहा मुझे कभी खुद से दूर जाने नहीं दिया …..मैंने 1 क्लास के बाद सीधे 7 क्लास मई हे एडमिशन लिया …..मैं स्ट्रांग बनती गयी मेरे दिल मई कोई फीलिंग नहीं थी …….मुझे सिर्फ मेरी माँ एक बात हे सिखाती थी बदला अपने बाप का मुझे मेरी माँ के साथ हुवी घटना का अभी तक पता नहीं था ….फिर जब मैं 12तह मई आयी तब मुझे पता लगा की मेरी माँ के साथ क्या हुवा tha….main बहुत रोई thi…..par मुझे ढक जायदा इसलिए था क्योकि मेरी माँ ने कभी चेहरे से ये दिखने हे नहीं दिया और वो अकेली दर्द सहती rahi…par जब उन्हें पता लगा की मुझे सब पता लग गया ह तोह वो फुट फुट कर रोई …… और …बेहोस हो गयी तब डॉ ने उन्हें बताया की उन्हें अल्ज़ामिएर हो गया ह …..मैं उस रात खुद को हे दोषी मानती रही थी राज ….की मेरी माँ के लिए मैं कुछ नहीं कर पायी ……मैंने भी फिर सब छोड़ सिलेक्शन के लिए जी जान लगा दी और फिर S.I मई सिलेक्शन हो गया और मैंने माँ के सामने कसम खायी की अब आपको तब अपनी सकल दिखाउंगी जब मैं पापा और आपके गुनेहरो के पुरे खानदान को मार नहीं दूंगी….. और देखो किस्मत से मुझे वो मिल भी गए ह ….पर मैं चाहा कर भी कुछ नहीं सकती हु….

राज — गुसाई से उबाल कर मुझे बताओ उनके नाम दुनिया के किसी भी कौन से मैं उनकी पीडियो को भी पटल से खोद कर निकल लाऊंगा …और उन्हें तड़पाऊंगा….

सोनाली —- तुम कुछ नहीं कर सकते राज जो जिम्मेदार ह वो मर चुके ह मुझे बस उनसे इतना पूछना ह क्यों ….उन्होंने ऐसा होने दिया ….क्यों ….kyo….kyo….unhone मेरे मापापा को बचाया नहीं…..

राज कन्फूशन्स से सोनाली को देखने लगा की सोनाली क्या कहना चाहती ह

सोनाली--- इस सवाल का जवाब कैसे मिलेगा मुझे raj.muje नहीं पता ह क्योकि मेरी माँ को कुछ याद नहीं ह….. वो पुराणी बाते सब भूल चुकी ह…

राज---- कौन ह वो बस आप बताओ मुझे…….

सोनाली----- मेरे पापा तुम्हारे पापा के साथ काम करते थे राज …….मेरे पापा ने तुम्हारे पापा से मदद मांगी थी ….. पर बदले मई उन्हें मिला मेरी माँ का बलात्कार और कुढ़ को मिली मौत

सोनाली की बात सून राज का तोह दिल हे टूट गया और वो दो कदम पीछे लड़खड़ा गया …… सोनाली आगे बोली “क्या तुम्हारे पापा की जिमि दरी नहीं थी उन्हें बचने की यूनियन मिनिस्टर और विथल से बचने की ….तुम तोह कहते थे तुम्हारे पापा अपने साथ वालो की अपनी जान से बढ़कर सुरक्षा करते ह तोह फिर मेरे मुंय पापा के साथ ऐसा क्यों हुवा Raj….kyo तुम्हारे पापा ने उन्हें बचाया नहीं……. ये गन उन गुनहगारों के लिए थी पर मेरे परिवार के साथ हुवे जुल्मो के लिए तोह अपने हे जिम्मेदार ह ……सोनाली इस समय फुट फुट कर रो रही thi……wo राज के करीब हे रट हुवे घुटनो पर बैठ कर बोली …….मैं तुम्हे नहीं मार सकती raj……..main तुम्हे नहीं मर सकती hu……becouse ….iii..love…you सो मच मेरी सांस तुम्हारे बिना नहीं h…raj.. मैं तुम्हारे बिना नहीं जी सकती हु….. ये बात कहते हुवे सोनाली राज के पैरो मई सर टिका दिया था और उसके हाथो मई राज की शर्ट थी और वो फुट फुट कर रोये जा रही थी ….राज जो ये सब सून कर पत्थर जैसा हो गया था ……..उसने अपनी आँखों से आंसू साफ़ किये ….. और सोनाली की तरफ देखा ….पता नहीं क्यों पर अब उसका दिल बेहद सख्त हो गया था उसने सोनाली को उठाया और पास की चेयर पे बिठाया ……और खुद एक तरफ खड़ा हो गया 30 मिनट गुजर गए थे कोई कुछ नहीं बोलै …..राज का चेहरा और आंखे और सख्त होती जा रही थी और पलटकर बोलै…..

मुझे नहीं पता आपको कैसे ये सचाई पता लगी ….किसने ये बताई और कितनी झूट ह कितनी सच ह ….पर मुझे मेरे पापा और दादा पारा पूरा विस्वास ह मेरे दादा जी के संस्कार इतने कमजोर नहीं होंगे …….मेरे पापा ने मेरे दादाजी को अपना भगवन मन ह इसलिए इतना यकीं ह आपके परिवार के साथ जो हुवा उसमे मेरे पापा की गलती नहीं hongi.mere पिता खुद मर जाते पर आपके परिवार के साथ ऐसे नहीं होने देते ….अब चाहे मेरी मौत हे क्यों न हो जाये ….मैं सचाई को पातळ से भी खोद के निकल लूंगा चाहे वो यूनियन मिनिस्टर हो चाहे विथल हो अब सच को सामने आना होगा …….और जब सचाई सामने आएगी तब हे आपके सामने आऊंगा अगर गलती मेरे पिता की ह तोह इस गन की आखिरी गोली और मेरा भेजा होगा ..…अब सचाई को राज नहीं निर्वाण…. ढूंढेगा और इस वक़्त वही हो रहा था जो राज के बचपन मई डॉ. ने कहा था एमोशनालय राज का एंगर ट्रिगर हो रहा tha…..raj आगे बोलता गया और उसका गुसा बढ़ता गया अंत मई ….………निर्वाण का एंगर राज के ऊपर पूरी तरह हावी हो गया …

“ सब को तड़पाऊंगा है है है ……तड़पने मई हे तोह निर्वाण को मज़ा अत h….kyoki निर्वाण तड़पता ह …..तड़पता ह रूह को”

राज चलते गाँव से बहार agaya…..aur बहार कड़ी ब्लैक सुव मई बैठ गया …..और पीछे जब तक सोनाली खुद को संभलकर राज को देखने के लिए कड़ी हवि …तोह राज उसे नहीं दिखा ……..

7 दी बाद…..

“ है है है मुझे तुम सबसे कुछ नहीं चाहिए …. बस इतना बता विथल कान्हा ह…..

मममममम मुझे नहीं पता ह….

“ तुजे नहीं पता ह तोह तू जिन्दा क्यों “ इतना कहने के साथ हे उसने उसके हाथ पेअर उंगलिया और गर्दन काट दी …..

“ तुजे मई ढूंढ निकलूंगा तेरा पूरा खानदान मरेगा …..तेरी मौत पूरी दुनिया देखेगी ……..भगवन भी तुजे नहीं बचा payega………..ha है है “


आज के लिए इतना he…..masti पढ़ने का लाइक्स और रेवोएस ठोकने का
 
अपडेट 138

ी म योर ghost…i म योर नाईटमेयर

अगर ड्रग्स की सप्लाई नहीं मिली तोह बहुत बुरा होगा कॉलेज के स्टूडेंट्स की हालत ख़राब हो जाएगी ….. पता नहीं ये सप्लाइज क्यों नहीं हो रही ह

बबिता--- कॉलेज खुलने मई गिने चुने दिन ह… और ऑर्डर्स भी पहले हे आने लगे ह स्टूडेंट्स के ….

सुरेंद्र--- रूम मई चक्कर लगते हुवे …..पर अभी तक भाई की तरफ से कोई रिप्लाई नहीं आया ह …..क्यों न हम वंहा जाकर देखे….

बबिता--- क्या जाना तीख होगा …..मुझे वो जगह बहुत वाहियात लगती h….sare हवस के भूखे नज़र आते ह..

सुरेंद्र--- है है है अरे कुछ नहीं होगा .तीख ह तुम यही रहो मैं जाता हु आज रात को……. सप्लाई मिलना बहुत जरुरी ह …

तोह दूसरी तरफ दिल्ली बॉर्डर पर…

विथल — ये ह साडी डिटेल्स ……

1 सोनाली … आगे 25 ….…..सप h….aur टीम को लीड karti…behad khunkhaar….tez तरार कोई वीकनेस नहीं …एक माँ ह वो भी मरे सामान ह

2 शिवानी jaswal---age 24 ये सोनाली की बहन ह और हमेसा साथ हे रहती ह तेज़ तरार ह …. इसकी फॅमिली मई कोई नहीं ह…..

3 अज्जू वर्मा-- आगे 24 स्पेशल टास्क फाॅर्स का मेंबर ह ुर हैकिंग एक्सपर्ट ह….

4 श्रुति —- आगे 23 ये एक स्पाई ह डिटेल्स निकलनेमाई एक्सपर्ट ह ….

5--अभय कुमार —- आगे 26 स्पेशलिटी क्लोज कॉम्बैट ह अज्जू अभय और श्रुति तीनो जायदातर साथ हे रहते ह ….

6—- सुनील सिंघानिया — आगे 19 सिंघानिया ग्रुप का सीईओ ह बेहद तेज़ तरार ह इसने 2 साल मई हे सिंघानिया ग्रुप को काफी आगे बढ़ा दिया ह …. इसकी कोई डिटेल नहीं ह सिंघानिया ग्रुप से पहले की….

शख्स —- हम्म्म

विथल--- एक और बात इनके साथ एक लड़का और आजकल दीखता ह उसकी डिटेल्स नहीं मिली ….. स्टूडेंट लगता ह और कोई बैकग्राउंड नहीं ह सप और कमिश्नर के घर हे रहते दिखा ह ….

शख्स---- परिवार …परिवार ….परिवार ….. बस यही तोह खेलना ह ……

विथल--- ने डरते हुवे पूछा पर आप क्या करने वाले हो…

शख्स--- ये सवाल तोह तेरा बाप विक्टर भी नहीं पूछ सकता ह तोह तेरी औकात हे क्या ह…… जितनी औकात ह उतना हे भोकना सिख….

ये सब्द सुनकर विथल के बदन मई झुरझुरी सी दौड़ गयी …उसने खुद बहुत सरे मर्डर किये थे पर वो सामने बैठे 23-24 साल के शख्स से बहुत डरता था उसने उसके बहुत सरे किसी सुने थे मीटिंग मई ऊके वीडियोस डरने के लिए दिखाए जाते …. ….इसलिए अपने माथे से पसीना पोंछकर बिना कुछ कहे जल्दी से चला gaya….piche खड़ा शख्स सामने स्क्रीन पर लिखे नाम को देखता रहा …….और सामने जाकर 3 चहरो पर सर्किल बना diya………aur बोलै …. खेल हे खेलना ह तोह मेरे तरीके से खेलेंगे….


कमिश्नर ऑफिस-----

जोगिन्दरसिंघ गुसाई मई चिल्ला रहे थे बेवकूफ लड़की ये क्या किया ….कितनी बार कहा था की आधा सच आधी मेरी सोच ह…… पर नहीं तुम्हारे गुस्सा तुम्हारे सर पर सवार था तुमने सोचा क्या होगा अगर सहदेव भाईसाब गुनेहगार नहीं निकले तोह….. फिर राज अपनाएगा तुम्हे कैसे सामना करोगी उसका…… मैं सपने मई भी नहीं सोच सकता था की तुम ये करोगी कितने फ़ोन किये थे तुम्हे ….. कितनी बार कहा था ….ठन्डे दिमाग से ठन्डे दिमाग से sochna….khair तुम्हारी क्या गलती थी मई हे बेवक़ूफ़ था जो तुम्हे बता baitha…….tumpar विस्वास कर बैठा .क्या सोचेगा जब उसे पता लगेगा ये सब मैंने तुम्हे bataya…..hey भगवन ये क्या कर दिया मैंने …….

जोगिन्दर सिंह सुनाये जा रहे थे और सोनाली सुबक सुबक कर रो रही thi…..jogindar सिंह को भी दया आगयी और उन्होंने सोनाली को गले लगा लिया और बोले….” बेटी प्यार किस्मत से हे मिलता ह और तुम्हे तोह हीरा मिला ह ……उस समय क्या हुवा हमे सब पता नहीं ह …..अगर सहदेव भाईसाब की गलती ह भी तोह …..तुम्हे सच बताने की वजह यही थी की तुम ठन्डे दिमाग से इस सिचुएशन को हैंडल करो ….क्योकि ….कोई भी भगवन नहीं जो सबको बचा सकता ह ..पुलिस की नौकरी एक युद्ध ह जो सचाई और बुराई के बिच होती h…..toh क़ुरबानी तोह दोनों तरफ हे होगी ……..

सोनाली-- रट हुवे पर अंकल मैंने राज के पापा को दोषी नहीं ठहराया …..एक सवाल किया की क्यों ….उन्होंने ..मेरे पापा मम्मी को नहीं बचाया ……. सहदेव अंकल पॉवरफुल थे वो आप सब हे कहते हो …तोह वो बचा सकते थे न….


जोगिन्दर---- चुप होजाओ बेटी …..5 मिनट बाद फिर से बोले तुम्हारे सवाल के जवाब के लिए दिल्ली हाई अलर्ट पर ह रोज रात को लाशे बिच रही ह …..बात राज की होती तोह सब तीख tha……par तुमने उसे जगाया ह जिसे चीरने फाड़ने के इलावा कुछ नहीं अत h….muje तुम्हे कप्तान दीपिका शिवानी किसी को भी कुछ पता नहीं ह वो कान्हा ह और जिसे पता ह वो बता नहीं रहा h….aur उसे किसी कसम से भी फर्क नहीं पड़ता ह ……वो मर जाये पर राज के बारे मई नहीं बताएगा …..

सोनाली--- सुनील के बारे मई बोल रहे ह मैं जाके बात करती हु..

जोगिन्दर—- तुम कुछ नहीं जानती हो ….अब वो तभी बताएगा जब राज chahega…..maine पुलिस को हर जगह लगा रखा … बूत वो ऐसे अत ह जैसे “घोस्ट” हो …तुम कोसिस करती रहो …. अब उसके बारे मई एक हे जाना पता कर सकता h……aur वो ह श्वेता पर वो हेल्प करेगी nahi….wo अपने भाई की तरफ हे legii…..chahe कोई मरता हे क्यों न हो

सोनाली — मैं कोसिस करती हु …..वर्ण मुझे पता ह उसे कौन बुला सकता h….aur उसकी एक आवाज से हे वो भगा आएगा…….. अब टाइम भी आगया ह उन्हें घर लेन का ….

जोगिन्दरसिंघ — तुम किसकी बात कर रही हो…...

सोनाली — कविता………

रात को 11 बजे

एक 2 मंजिला बिल्डिंग के कौन मई ब्लैक सूट मई छिपकर निर्वाण निचे की तरफ सबको देख रहा था हॉल मई पार्टी चल रही थी डांस ड्रग्स …..सहर के सभी रहिसो की औलाद वंहा नाच रही thi…..Tabhi वंहा बहार से एक लड़का अंदर आया ……और सबको हाई फि देने laga…..aur फिर जाकर एक टेबल पर बैठ गया….

लो सुरेंद्र भी आगया…..

सुरेंद्र--- भाई से मिलने आया था यार कॉलेज ओपन होने वाले ह…. डिमांड जायदा ह पर सुपल्ली नहीं ह इसलिए हे आया था आदि पर गया तोह पता लगा भाई यंहा पर ए ह…..

दूसरा आदमी — हम भी उसी के लिए हे ए ह

ऊपर से निर्वाण ने सुरेंद्र को देखा तोह उसके चेहरे पर बेहद कुरुर मुस्कान आगयी …और वो सुरेंद्र को घूरने लगा …..और निचे बैठा सुरेंद्र इस सब से बेखबर साडी डिटेल लेने लगा फिर उठकर अंदर आगया और सीढिया चढ़ते हुवे सेकंड फ्लोर के नंबर 30 रूम की तरफ गया और अंदर चल रही पार्टी मई शामिल हो गया और ड्रग्स डांस करने लगा ..एक जोड़ी काली आंखे रोशनदान से हे उसे देख रही thi…..surendrar पूरी तरह नशे मई चूर हो गया ….. …

रात के करीब 2 बजे उसे एक इंजेक्शन दिया गया और करीब 15 मिनट बाद खिंच कर एक थपड मारा gaya….dard से उसकी नींद रफू चाकर हो गयी…. उसने आंखे खोली तोह सामने पूरा अँधेरा था उसे कुछ दिखाई नहीं दिया k……usne हाथ पेअर चलने की कोसिस की तोह पता लगा उसके हाथ बंधे हुवे ह और उसे लटका रखा ह…..

सुरेंद्र--- चिकटे हुवे कौन ह बे सामने आ सेल…..

अभी उसने इतना हे बोलै था की उसके पिछवाड़े पर एक लात पड़ी और वो तेज़ दर्द से बिलबिलाते हुवे चीख पड़ा ………उसे महसूस हुवा जैसे उसके पिछवाड़े पर किसी ने एक साथ कई साडी सुई गुसा कर निकल दी हो …

सुरेंद्र--- ka….kkkkka….koun….h…..samne आ…. आअह्ह्ह्हह्ह्ह्ह वो फिर से वो दर्द से चीख पड़ा उसके पिछवाड़े से खून की धार निकल padi…..ab चाहकर भी वो कोई सवाल पूछना नहीं चाहता था…….30 मिनट तक ख़ामोशी रही ….सुरेंद्र फिर हीमत कर धीरे से bola….”pata नहीं कौन ह साला अब चला गया लगता ह एक बार यंहा से निकल जाऊ फिर बताता हु…..”

Ayiiiiiiiiiii आअह्ह्ह्हह्ह्ह्हह maaaaaaaaaa…….kutte…………bhosdike…….Bahut हे तेज़ लात उसकी गांड पर पड़ी thi……uski हालत ख़राब हो gayi…….kyoki उसके पिछवाड़े पर बहुत सरे छेद हो गए थे ……और उन सब से खून बाह रहा था 20 मिनट तक फिर खामोसी छायी रही अभी उसे सुकून मिला हे था की उसके पिछवाड़े पर मिर्ची आकर गिरी और वो फिर से चिकने लगा …… एक घंटे तक चैकन्ने छिलने के बाद उसे अपनी गर्दन पर चुबता हुवा महसूस ………और जब उसकी नींद खुली तोह उसने खुद को अपने हे घर मई पाया पर वो बीएड पर बिलकुल नंगा था …….वो पेट से रेंगता हुवा हे खड़ा हुवा तोह स्किन के खिंच जाने से पिछवाड़े से दर्द की तेज़ लहार सी दौड़ gayi…….surendra तड़प उठा …उसे साडी पिछवाड़े पे पड़ी लाते याद आगयी वो लंगड़ाते हुवे शीशे के पास गया और मुड़कर अपनी गांड को देखने लगा जिसपर खून के साथ मिर्ची भी चिपकी हुवी थी जिसे देख कर वो गुसाई और दर्द से भिनभिना गया और जब उसकी नज़र शीशे के पसस चिपके हुवे नोट पर गयी तोह वो और गुसाई से जल गया …जिस पर लिखा था….

……..”ी म योर Ghost..I म योर नाईटमेयर जो दिया ह उसे वापस लेना होगा ….हर दर्द को दुगना सहना होगा”……. पर उसे समाज मई नहीं आरहा था की ये क्यों हुवा और कैसे huva………aur कौन ह जिसस्ने ये किया ……उसने बहुत सोचा पर उसे कुछ समाज नहीं Aya……bus समाज आया वो था डॉ को कॉल करना

पर दिल्ली मई हंगामा हो रखा tha……Night पार्टी मई हुवा कत्ले आम …….निर्वाण ने मचाया फिर कत्ले aam……..drugs बेचने वाले गिरोह के साथ मिले हुवे थे अमीरज़ादे …. मिले पुख्ता सबूत

एंकर--- आप क्या कहने चाहते ह इस बार ….

एक्सपर्ट,— देखिये ये गलत ह ….खून करना गुनाह ह… इसके लिए कानून h….police ह

एंकर— मरे गए हुवो लोगो मई कानून मंत्री का बीटा भी h…..iske बारे मई क्या ……वो भी पार्टी मई शामिल था और ड्रग्स भी रिपोर्ट मई ए ह और वीडियो ke….bare मई क्या जिसमे उन्होंने जुर्म खुद काबुल किया ह

2ंद एक्सपर्ट--- सर्कार और पुलिस निकम्मी ह …जब कानून मंत्री का बीटा हे ड्रग्स का धंदा और ायियाशिया करे तोह पुलिस कैसी होगी …… इसका अंदाज़ा सभी लगा सकते ह

ऐसे हे बहुत सी लड़ाई हर न्यूज़ मई चल रही thi….Roj दिल्ली की किसी कौन मई कत्ले आम हो रहा था…

सिंघनिया ऑफिस-----

सोनाली--- तुम समाज नहीं रहो हो ….

सुनील--- आप एक बात समाज लीजिये राज से बढ़कर कुछ नहीं ह मेरे liye…..ap अपने तरीके से ढूंढिए …..राज को ……मैं कुछ नहीं बताऊंगा…….

Sonali—ok फाइन इतना बता दो वो तीख ह न ……अभी क्या कर रहा ह खाना तोह तीख से खता ह न….

सुनील--- सोनाली की आँखों मई ध्यान से देख कर ….मुझे नहीं पता क्या ह उसके दिमाग मई वो बस मुझसे कुछ पूछता ह या करने को कहता ह और गायब हो जाता ह 5 मिनट से ऊपर बात नहीं होती ह हमारे बिच …. एक आग लगी हुवी ह …उसके दिल मई जो उसे बेचैन रखती h…aur अभी वो कान्हा ह तोह इसका जवाब ह …..आपसे 5 मिनट पहले हे उसे पता लग गया ह की विथल दिल्ली मई एंटर हो गया ह वो उसे हे ढूंढ़ने गया ह ……आने वाले कई दिन आप पुलिस वालो की नींद हराम कर देगा वो बहुत लोग मरने वाले ह वो बिलकुल नहीं rukega…….jab तक विथल से उसे सच नहीं पता लगता ह उसे और फिर यूनियन मिनिस्टर की बरी होगी …..आप सोच भी नहीं सकती ह ….इस बार क्या होने वाला ह…….

आज के लिए इतना हे ….मस्ती मई पढ़ने का लाइक्स और रेवोएस पेलने का
 
अपडेट 139

फर्स्ट वेव….

होम मिनिस्टर —- मुझ पर बहुत प्रेशर ह तुम समाज नहीं रहे हो कमिश्नर

जोगिन्दर — धीरे से आप कौनसा समाज रहे हो….

होम मिनिस्टर— कुछ कहा तुमने ….

जोगिन्दरसिंघ— नहीं तोह आप हे कह रहे हो 🙄मैं तोह घंटे भर से सून हे रहा हु..

होम मिनिस्टर— देखो जोगिन्दर …ये जो भी ह निर्वाण नाम का उसे पकड़ो या एनकाउटर कर दो मुझे ये केस क्लोज चाहिए h….aur आपकी दोनों सप साहिबा तोह बेस्ट ऑफिसर्स का अवार्ड ले चुकी ह ……. 3 डेज ह आपके पास मुझे केस सोल्वे चाहिए ह…..

जोगिन्दर —- जी सर ….हम पूरी कोसिस करेंगे…..

हम- फिरसे कोसिस …..मुझे रिजल्ट चाहिए ह 72 घंटे ह आपके पास …..जिन्दा या मुर्दा .. वर्ण अपने ट्रांसफर की तयारी कर लीजियेगा….

जोगिन्दर--- सर ट्रांसफर की धमकी आप दुबारा मत हे दीजियेगा ….रही बात निर्वाण की पूरी कोसिस कर रहे ह….

कुछ दिएर बाद ….

सोनाली —- एक एक कौन पर नज़र रखो कोई भी चौराहा गली चुटनी नहीं चाहिए ह……

शिवानी--- आप रियली जीजू को पकड़ने जा रही ह….

सोनाली--- मैं नहीं चाहती उसे कुछ ho….suna न कैसे होम मिनिस्टर सर के सामने भोंक कर गया ह अगर हम शामिल होते तोह लाशो को तीखाने लगा देते और केस ओपन हे नहीं होता पर अब आग भड़क गयी ह…..

शिवानी — खुद से हे बड़बड़ाते हुवे बाग़ भी तोह अपने हे भड़कायी ह बीएड पर आपस मई आग आग खेल लेते 🤦पर नहीं ….आपको तोह सरे सहर को और हमे आग दिखानी हथि ….क्या दिन आगया ह …🤨 एक जीजा मिला ह वो भी सटका हुवा और एक बहन मिली ह भड़की huvi…..main तोह कुंवारी हे मर जाउंगी इनकी लड़ाई मई ….

सोनाली कबसे शिवानी के हे चेहरे के हर पल बदलते हुवे एक्सप्रेशन को देख रही thi…..Achanak शिवानी को अहसास हुवा कोई उसे घर रहा ह तोह हड़बड़ाते हुवे सामने देखने लगी और उसे दिखा सोनाली का गुसाई से भरा गुरता हुवा चेहरा…

शिवानी--- वो …wo….main ये सोच रही thi….phir सोनाली के कान के पास आकर दीदी आप राज के साथ कुछ ले देके इस प्रबल को सुलझा नहीं सकती ह क्या …..अगर एक से ….सोल्वे न हो toh….main हेल्प कर दूंगी apki…...bahan की हेल्प करना तोह छोटी बहन का कर्तव्य होता ह ..

पर सोनाली का तोह गुसा सातवे आसमान पर पहुंच गया था और शिवानी ने ये देखा तोह वो चुप चाप खिसक ली….

कानून मंत्री के घर …..

होम मिनिस्टर--- देखो मैंने पूरा दबाव बना दिया ह तुम्हारा काम हो जायेगा वो तीनो हे बहुत काबिल पुलिस वाले ह तुम जानते हो…. इसलिए बस इंतज़ार करो….

कानून मंत्री — यूनियन मिनिस्टर की तरफ मूड कर विथल भी तोह दिल्ली आचुका ह उसे काम दे दो जितना चाहिए उतना पैसा दूंगा बस वो जिन्दा चाहिए ह मुझे..

यूनियन मिनिस्टर — मंत्री जी मैंने का बचा नहीं ह वो जो उठाया और आपकी गॉड मई दे दिया और अपने उसे अपने हिसाब से हलाल कर लिया अगर अपने उसके काण्ड सुने होते और अगर गलती से भी उसके वीडियोस देखे होते तोह आपके दस्त लग जाते …..पर बात पैसो की ह तोह विथल से बात करता हु मैं …

कानून मंत्री — बात तुम्हारी जमीं की हे तोह ह सब समझता हु मैं बहाना मत बनाओ हो जायेगा तुम्हारा काम ….वो जमीं तुम्हारी हुवी ……

यूनियन मिनिस्टर —तीख ह मंत्री जी अब मैं चलता हु …..आपका काम भी तोह करवाना h….namaskar…..ap तोह पैसो का इंतेज़ाम करके rakho….aur जमीं का भी …

दिल्ली हिडन प्लेस ……

विथल दिल्ली के हालात देख कर बहुत गुसाई मई था ..

विथल--- तोह तुम लोग ऐसे काम करते हो …एक आदमी अत ह मरता ह और चला जाता ह और तुम अपना हिलाते रहते हो …

विथल के सामने दिल्ली के मैं सुप्प्लिएर्स बैठे हुवे थे और सबकी हे गर्दन निचे झुकी हुवी थी….

विथल पैसा जमा करवाओ और दफा हो जाओ सब काम मुझे हे करना पड़ता h……aur ये बिरजू कान्हा गायब हो गया ह पिछले कितने दिनों से गायब ह सेल की कोई खबर नहीं ह…

यूनियन मिनिस्टर अपना मास्क उतारकर बोलै विथल याद ह ऐसे हे बरसो पहले एक और हुवा करता था जो हमे परेशां करता tha….humare हर काम को ख़राब करता था…

विथल — दिमाग पर जोर देकर ….तुम उस इंस्पेक्टर की बात कर रहे हो ….

यूनियन मिनिस्टर —- है उसी की बात कर रहा हु ……जिनको लोगो की भलाई का जूनून होता ह न उन्हें मरना बहुत आसान होता h….bahut टांग डाटा था साला ….उसी की तरह इसको भी तीखाने लगा दो…..

विथल — मैं समाज रहा हु …..एक तरफ उलझाओ और दूसरी तरफ मर्दो ……वो जो भी ह उसे ड्रग्स से नफरत ह बस खबर उस तक पहुचानी ह और खेल ख़त्म ….

यूनियन मिनिस्टर —-इस बार पुलिस को भी शूट ात सिघ्त का आर्डर दिलवा दिया ह बस 66 घंटे और ह फिर दोनों तरफ से मरेगा…… हमसे बचा तोह पुलिस से मरेगा सब बिकते ह पैसो के agai….bus एक सही चल और खेल ख़त्म समाज रहे हो …

विथल है है है बहुत खूब ओल्ड गेम और दोनों ने अपने जाम टकराये ….

पुलिस हेडक्वार्टर्स 2 दिन बाद

अज्जू — मम काफी साडी इनफार्मेशन हाथ लगी ह जिन नंबर को अपने ट्रैक करने के लिए कहा था उनसे ….

सोनाली जो जोगिन्दर से शूट ात सिघ्त का आर्डर रइवे कर चुकी थी उसी के बारे मई बात कर रही थी अज्जू की बात सून उसकी तरफ आगयी…..

अज्जू--- मम दिल्ली के बहुत सरे डीलर्स ड्रग्स की सप्लाई उठाने के लिए जल्द जाने आने वाले ह….

जोगिन्दर — डगप इस बार खुद शामिल हो गया ह और वो बिका हुवा ह मतलब मिनिस्टर का कुत्ता h….wo जरूर कुढ़ डायरेक्ट इन्वॉल्व होगा केस mai….aur ये भी तय ह की राज भी आएगा हे आएगा .पता नहीं उसे कैसे हर इनफार्मेशन मिल रही ह.. ….पर इस बार सिचुएशन बिगड़ गयी ह काफी ….सिर्फ तुम्हारी नादानी की वजह से…

सोनाली — अंकल सुनील भी समाज नहीं रहा ह ये सब एक जाल ह ….राज को फंसने के लिए …..

जोगिन्दर--- हम कुछ नहीं कर सकते ह अगर हम रुके भी तोह डगप खुद पुलिस फाॅर्स को लीड karega….is बात का मुझे पूरा यकीं ह…

सोनाली — कोई भी हो मैं राज को कुछ नहीं होने दूंगी….

सोनाली तिलमिलाती हुवी सुनील के ऑफिस के लिए निकल गयी उसका का निकलना हुवा था और डगप का आना हुवा …..

डगप एते हे बोल उठा तोह इनफार्मेशन मुझे मिली ह तोह आपको भी मिल हे चुकी होगी …

जोगिन्दर— कैसी इनफार्मेशन सर….

डगप-- आपसे तोह ऐसी उमीदे नहीं thi…..khair कल रात को ड्रग्स डिस्ट्रीब्यूट होगा ऐसी इनफार्मेशन मिली ह और यही ड्रग्स दिल्ली के रेस्टुरेंट से लेके बार्स ,पब्स ,कॉलेज ,स्कूल हर जगह पहुंचाया jayega…isliye कल पूरी पुलिस फाॅर्स के साथ हम अटैक करेंगे …. ताकि एक झटके से हे इन्हे साफ़ करदे…

जोगिन्दर — ok सर…… मैं कल खुद पुलिस फाॅर्स को लीड karunga….koyi शिकायत नहीं मिलेगी

डगप-- — no जोगिन्दर गवर्नमेंट ने मुझे लीड करने को भेजा ह तोह मैं खुद लीड करुगा …don't वोर्री सारा क्रेडिट आपको हे मिलेगा क्योकि दिल्ली के सबसे बड़े अधिकारी तोह आप हे ह हम तोह सीड वाले ह…

जोगिन्दर — सर लोकेशन …. कान्हा की ….

डगप-- जल्दी क्या ह कल मिल जाएगी…. मैं नहीं चाहता हु की लोकेशन लीक हो जाये और अपराधी अलर्ट हो जाये …..फ़िलहाल ये इनफार्मेशन आपके और मेरे पास हे h….toh आप समाज रहे ह न मेरा मतलब …..

जोगिन्दर--- अछि तरह से….

दिल्ली से 20 कम आउटर एरिया मई….

विथल--- है तुम लोग डगप के साथ रहोगे वो तुम्हे लोकेशन के बिलकुल करीब रखेगा याद रखना निर्वाण नाम की बीमारी का कल अंत हो जाना चाहिए ह …

आदमी-- बॉस ऐसे तोह हमारे आदमी भी मरे जायेंगे ….अगर पुलिस बहार मौजूद हुवी तोह….

विथल--- बेवक़ूफ़ ….अंदर अपने आदमी जैसे हे निर्वाण को मरेंगे तब डगप के साथ अपने कुछ आदमी जो पुलिस की वर्दी मई होंगे वो उसको किडनैप करलेंगे जिसे कोई पुलिस वाला तुम पर फायरिंग नहीं करेगा और तुम सब आसानी से बहार निकल जाओगे …. और निर्वाण को ख़तम करने की न्यूज़ मिलते हे दूसरी सेफ जगह पर ड्रग्स को हम डिस्ट्रीब्यूट कर देंगे सिटी मई ….साडी पुलिस डगप को बचने पर धयान लगा रही होगी उस वक़्त समजा..

आदमी बॉस सुपर प्लानिंग की h…..ek तीर से अपने तोह कितने हे निशाने लगा दिए ह….

विथल —- है है है कितने निर्वाण जैसे ए और कितने गए ………जो इंतेज़ाम करो

तुम समझते क्यों नहीं रहे हो सुनील वंहा पुलिस भी होगी इस बार और राज के लिए मिनिस्टर्स ने शूट ात सिघ्त का आर्डर दिया ह मुझे पता ह तुमई भी न्यूज़ मिल चुकी ह की कल कब कान्हा डील होगी …. इसलिए राज को रोको मैं नहीं चाहती राज को कोई खतरा हो...

सुनील मुस्कुरता हुवा बोलै उसकी कमजोरी हे उसे नुकसान पंहुचा सकती ह और उसकी कमजोरी हम ह …..ये बात आप भी जानती हो …. अब अगर आप उसे शूट करने जाओ तोह बेशक वो गोली खा लेगा ….

सुनिलललललललल सोनाली चिक पड़ी …..तुम्हारी हीमत कैसे हुवी ऐसा बोलनी की तुम समझते क्या हो खुद को …….. सोनाली गुसाई से फुँकारते हुवे सुनील को देखने लगी और इसी गुसाई से ऑफिस से बहार चली गयी …

पीछे सुनील सोनाली के जाने के बाद बोलै ….” आखिर पापा और दादा जी ने सही लड़की को ढूंढा ह राज के लिए एक बम ह तोह दूसरा एटम बम ह…… अब बस दोनों का मिलान हो जाये ....तोह विथल कल फाइनल डील करेगा …..ये उसकी जिंदगी की आखिरी डील होगी…..

तोह दूसरी तरफ रात के अँधेरे मई निर्वाण अपनी ब्लैक हार्ले डेविडसन पर दिल्ली की पतली गलियों को चीरते हुवे जा रहा था …और आखिर मई जाकर वो एक बंगल के सामने रुका …..जिस पर लिखा हुवा tha…Union मिनिस्टर …..

आप सबके लाइक्स और रेवोएस देख कर हे अपडेट बड़े और जल्दी देने का मन करता ह इसलिए उसमे कंजूसी नहीं दोस्तों…..

आज के लिए इतना हे ….मस्ती मई पढ़ने का और लाइक्स और रेवोस पेलने ka….jald मिलते ह सेकंड वेव के साथ……
 
अपडेट 139

पोस्टेड मस्ती मई पढ़ने का और लाइक्स और रेवोएस पेलने का

अपडेट टाइमिंग टुडे 6 पं सेकंड wave-What यू थिंक....

यूएससी स्टोरी
प्यार एक त्याग :हहै: बी सनकी बीआरओ.......

कल यूएससी मई स्टोरी पोस्ट कर दूंगा और लिंक पेज के सबसे ऊपर दे दूंगा कीप सपोर्टिंग ...

डेविल एंड एंजेल
 
अपडेट टाइमिंग टुडे 6 पं सेकंड वेव
 
अपडेट 140

सेकंड वेव ……



व्हाट यू थिंक ….



प्लेस मंडावा-—

दिव्या —- आप रहने दो पापा …..वो 96 परसेंट लेके आया ह 12 बोर्ड मई ..

दादा-- 10तह मई आल इंडिया टोपर था वो …..इस बार तोह नालायक ने नाम डवा दिया मेरा ..देख मूंछो पर तांव भी नहीं मार प् रहा हु

दिव्या--- आआहाहा बड़े ए नाम वाले मूंछो पर तांव देने wale…main आपके काम बताऊ क्या ….खुद ने दोनाली कनपट्टी पर रख कर पास करि thi…..mere बेटे ने पढ़ कर पास करि h….bade aye…..mere बेटे की बुराई करने वाले ….और भी बताऊ या इतने मई हे चुप हो जाओगे

जगमाल सिंह —खांसते हुवे उठकर ……मैं उसके एडमिशन के लिए सुनील को फ़ोन करता हु..….

दिव्या — रहने दीजिये मैंने कर दिया ह ….

यही हाल 2 जगह और हो रखा था जंहा उत्सा और खुसियो का माहौल था…..

दिल्ली--—

श्वेता —- मेरे भाई से जायदा परसेंट ए ह इस बार मैं जीत गयी याहूऊओ …..मुझे कार चाहिए ह…

सुनील--- चुप कर बंदरिया उसका पता ह तुजे और कार और तुजे सकल देखि ह पहले बड़े पापा से पूछूंगा फिर देखेंगे वैसे इस बार टोपर कौन ह ….

श्वेता--- टोपर …टोपर …है ये कोई पूनम नाम की लड़की ह 99 परसेंट के साथ …

सुनील — राज धयान से पड़ता तो वो हे टोपर होता खैर मैं चलतु हु …. और तेरी सहेली ऋचा के भी 96 परसेंट बने ह…..

श्वेता— उस चुड़ैल का नाम भी मत लेना वर्ण तेरा खून कर पिजाऊंगी समजा

सुनील--- चुड़ैल और कर भी क्या सकती ह

मुम्बई

सिरडी साई बाबा मंदिर ….

पूनम--- भगवन मुझे शक्ति देना की मापापा का सपना पूरा कर सकू …..

अनिरुद्ध गोस्वामी-- भगवन तुम्हारी सभी मनो कामना पूरी करेगा बेटी …..आज ऋचा भी आरही ह ….

Poonam---muje बताया भी नहीं अपने के वो आज आरही h…..thik ह फिर उसके लिए मैं अपने हाथो से आज खाना बनाउंगी …..

अनिरुद्ध--- मुझे भी 5 मिनट पहले हे फ़ोन आया ह वैसे उसे नहीं पता ह की तुम भी यंहा हो …अब चलो घर लौट ते वक़्त तुम्हे तुम्हारा कॉलेज दिखता hu…..aj तोह घर मई जश्न होगा आखिर मेरी एक बेटी ने टॉप जो किया ह पुरे इंडिया मई…. और दूसरी पुरे एक साल बाद आरही ह….

Delhi….outer एरिया मई…..

गुंडा —इस घर के अस्सपस्स जितने घर ह उस घर मई हमारे 3 आदमी छिपे रहेंगे … और जब तक वो यंहा बीचो बिच के घर तक न अजय कोई एक्शन नहीं लेगा…. और जैसे हे वो यंहा पहुंचे पुरे घर को गोला बारूद से भर do….taki सेल के चिथड़े भी न मिले .

पुलिस हेडक्वार्टर्स—-

डगप-- हम लोग 4 टीम मई डिवाइड होकर आगे भिड़ेंगे एक टीम को सप शिवानी और एक टीम को सप सोनाली लीड करेंगी और एक टीम आप बैक से लीड करेंगे और एक टीम को फ्रंट से लीड मैं करूँगा ….मेरे आर्डर मिलते हे एक साथ सब एक्शन लोगो और जो भी बचने की कोसिस करे उसपर फायरिंग सुरु कर doge…..koyi जिन्दा नहीं बचना चाहिए ह…. कोई मतलब कोई भी … आज दिल्ली के ड्रग्स की रीद की हड्डी तोड़ देंगे…

शिवानी और सोनाली एक दूसरे की तरफ देखने lage….tabhi जोगिन्दर बोले “पर सर हम लोगो को जिन्दा पकड़ कर और इनफार्मेशन भी तोह निकल सकते ह …..ताकि पुरे जड़ से उखड फेंके

डगप-- जोगिन्दर जी ..ऊपर से आर्डर ह टीम को लीड मैं कर रहा हु तोह don't आगे विथ में जस्ट फॉलो ऑर्डर्स जड़ से आप बाद मई उखड़ते रहना

जोगिन्दर-- गुसाई से दन्त चबाते हुवे ok सर

डगप-- मुस्कराते हुवे जोगिन्दर जी सारा क्रेडिट आपको हे तोह milega……rahi बात मेरी तोह मैं तोह बस आर्डर फॉलो कर रहा हु ……. वैसे भी क्या आप नहीं चाहते की दिल्ली ड्रग फ्री हो जाये…

डगप ये कह कर चला गया पर पीछे तीनो गुसाई से फैट रहे थे …..क्योकि उन्हें साफ़ पता था की डगप ने जो कहा वो सच था इस प्लान से दिल्ली ड्रग्स फ्री हो जाएगी बूत दर उन्हें राज के लिए लग रहा था क्योकि अगर ऐसा हुवा तोह राज का बचना मुमकिन नहीं होगा….

जोगिन्दर — अब हम कर क्या सकते ह एक बेटी ह वो किसी की सुनती नहीं ह सुनील तुम्हारी सुन नहीं रहा ह ठाकुर साब को बता नहीं सकते ह…. दिव्या को बताया तोह वो मुझे मार degi..Ab जो होगा वो देखा जायेगा …राज को हम काम नहीं समाज सकते ह उसके दिमाग मई बहुत कुछ चलता ह हम उसे बचने की कोसिस कर सकते ह ….तुम बस सुनील को पूरी बात समझा दो …..अगर उनकी फिर भी वही जिद ह तोह करने दो मनमानी …हम क्या कर सकते h..chalo रेडी हो जाओ अपने वेपन्स सब चेक करलो …… कुछ हे समय बचा ह जब तक शिवानी तुम मॉनिटरिंग रूम से नज़र रखो…

डगप ऑफिस से सीधा निकल कर कानून मंत्री और होम मिनिस्टर के पास पंहुचा डगप “ मंत्री जी सब प्लानिंग हो चुकी ह …उसके बचने के कोई चांस नहीं ह इतना लोहा भरेगा उसकी बॉडी मई की आत्मा भी सरीर से आसानी से नहीं निकल पाएंगी…

लॉ मिनिस्टर—- है डगप तुम्हारा पैसा इस बैग मई ह तुम ले जा सकते हो…….

डगप-- वो आदमी आगये क्या जो मेरे साथ जायेंगे ….

होम मिनिस्टर--- है उन्हें यूनियन मिनिस्टर ने पहले हे भेज दिया था वो सब तैयार ह तुम उन्हें साथ लेके जा सकते ह…..

डगप-- तोह फिर आप लोग खुस खबरि का वेट kijiye…..main जाता हु और आपको लाइव शो दिखता हु……

कानून मंत्री — तीख h….Dgp …..

इनसे अलग ……

एक घटना और हो रही थी ……जिस पर न पुलिस का धयान था न मीडिया का और न विथल का ….. वो सब अपनी प्लानिंग कर रहे थे पर जिस के लिए प्लानिंग की जा रही थी वो अभी रात के 11 बजे तक भी निर्वाण जैसा कोई भी कक्तव मई नज़र नहीं आया था अज्जू और अभय को सोनाली के ऑर्डर्स की वजह से राज को भी ट्रैक करना पद रहा था … पर उन्हें अभी तक कोई भी ट्रेस नहीं मिले थे राज के किसी भी जगह पर होने के जिस वजह से जोगिन्दर और सोनाली दोनों हे बहुत परेशां the…par तभी उन्हें दिल्ली आउटर मई एक कार मई निर्वाण के जैसा एक जाना नज़र अत h….aur तुरंत हे अज्जू …सोनाली को इन्फॉर्म करता ह …..पर जब तक वो इन्फॉर्म करता और सोनाली एक्शन लेने के सोचती डगप वायरलेस पे पहले हे बोल उठता ह उसे अभी मत रोको हम उसे ड्रग्स बेचने वालो पर अटैक करते टाइम अटैक करेंगे ….

डगप के साथ पुलिस की 2 बड़ी गाड़ी मई 40 जवान और एक मई वो खुद 4 सी के साथ दिल्ली के बहार की और तेज़ी से जा रहा था और उनके काफिले के पीछे था जोगिन्दर सोनाली और शिवानी का काफिला ….डगप ने सिग्नल जैमर ों कर दिया था ताकि आपस मई बहार से कोई कांटेक्ट न कर सके ….

तोह उधर निर्वाण की कार तेज़ी से लोकेशन पर पहुंच रही thi…ab वो अंदर की तरफ गलियों से कार को धीरे से लेके जा रहा tha….jis घर के पास से उसकी कार क्रॉस करती … पीछे से कई साडी निघाये आँखों मई कतल करने के इरादे से उसे देखती जाती ..पर निर्वाण ऐसे जा रहा था जैसे उसे किसी बात का दर न हो …पर उसका हर कदम उसे मौत के मू के और अंदर लता जा रहा था…. और उधर सोनाली का दिल घबरा रहा था ….वो खुद यही सोच रही थी की अगर उसे ये पता होता की राज ऐसे रियेक्ट करेगा तोह वो खुद को गोली मार लेती पर राज को ये सब न बताती…. पर अब वो क्या कर सकती thi……jald हे पुलिस फाॅर्स लोकेशन तक पहुंच गयी ….

डगप-- तीनो की और देख कर …जैसे हे मैं सिग्नल दू आप तीनो अटैक कर डोज अंडरस्टुड मुझे अगर पता लगा आप मई से किसी ने भी आर्डर फॉलो नहीं किये …..उसके लिए यही समजा jayega….ki वो ड्रग्स बेचने वालो के साथ मिला हुवा h……jao और उन्हें घेर लो…

सोनाली शिवानी और जोगिन्दर की टीम सभी मकानों को घेरने लगे उन्होंने हर एग्जिट पॉइंट को अचे से ब्लॉक कर दिया अब चांस नहीं था किसी के भी बचके जाने का .

सोनाली जो टेंशन मई थी उसका साबरा का बांड पल पल टूट ता जा रहा tha….usne डीएड कर रखा था वो किसी को फायर नहीं करने देगी ….इसलिए उसने अपनी गन पीछे पुलिस वालो को शूट करने के लिए भी तैयार कर्ली थी

उधर निर्वाण …कार को लेकर मीटिंग वाली जगह से 20 कदम दूर रूक गया …लाइट नहीं थी इसलिए विसिब्लिटी न के बराबर थी वो धीरे धीरे आगे चुपके चुपके घर की तरफ जाने लगा ….उसके स्पेशल शूज की वजह से चलने की कोई आवाज नहीं हो रही थी …पर उसके पीछे बहुत से लोग पास वाले घरो से उसपर निशाना लगाने लगे ….जिसकी उसे बिलकुल भनक भी नहीं लगी थी …निर्वाण ने अपने दोनों हाथो से दरवाजा को ढाका देकर khola….aur अंदर घुस गया …अभी वो कुछ कदम हे चला था की अचानक लाइट्स ों हो गयी और वो कुछ समाज pata..usai पहले हे….

तोह बहार 10 मिनट पहले

डगप सिग्नल जैमर को हटा कर वीडियो कॉल करते हुवे बोलै बस जल्द हे मंत्री जी गुड न्यूज़ मिल जाएगी …अगर अंदर से सिग्नल न मिला तोह जितने माकन ह सबको खण्डार बना देंगे साला डाब कर हे मर जायेगा बस आप देखिये आपके बेटे की मौत का बदला कैसे पूरा होता ह ….अभी वो बात हे कर रहा था की अंदर से ताबड़ तोड़ गोलिया चलने की आवाज अणि सुरु हो गयी और डगप बोलै लो मंत्री जी लगता ह आपका काम जल्द पूरा होने वाला ह…

तोह andar…lights ों होते हे निर्वाण की आँखों मई लाइट्स पड़ने से वो चौंक गया और बचने के लिए इधर उधर भागने लगा तभी एक गोली उसकी पीठ मई लगी फिर 2श्री तीसरी फिर कितनी हे गोलिया सरीर के आर पार होतो गयी उसे पता हे नहीं लगा और वो मारा गया ….अंदर से एक गुंडा पास आकर काम होगया चलो निकलने का टाइम ह सिग्नल भेजो ….और तब इन गुंडों मई से किसी ने टॉर्च की लाइट को छत्त से 3 बार चालू बंद की और डगप खुसी से मंत्री जी हो गया आपका काम पूरा मारा गया ह वो लाश पुलिस ले हे आएगी फिर चाहे काट कर कुत्तो को khilana….ab टाइम ह विथल भाई के आदमियों को निकलने ka…phir फ़ोन कट करके ….पास वाले आदमी को इशारा करके सुरु करो ……और नकली S.I और नकली पुलिस वालो ने असली पुलिस वालो की तरफ गन तान di…aur कुछ ने डगप के कनपट्टी पर बन्दूक रख दी और बोले गन फेंक दो वर्ण तुम्हारा डगप की कनपट्टी खोलते दिएर नहीं लगेगी असली पुलिस वाले हैरान और परेशां हो गए की इतनी बड़ी साजिश रची गयी पर वो अब कुछ नहीं कर सकते the……Dusri तरफ शिवानी सोनाली जोगिंदर बहार सिग्नल का वेट कर रहे थे अँधेरे की वजह से उन्हें अंदर क्या हो रहा था कुछ दिखाई नहीं दे रहा था …और इसी अँधेरा का फायदा उठाकर घर के अंदर के सरे क्रिमिनल डगप की तरफ आ पहुंचे थे और डगप को पुलिस की गाडी मई लेकर फरार हो गयेपर जाने से पहले गोलिया चला कर सभी व्हीकल्स की हवा निकल दी थी … इन गन शॉट्स की आवाज जब जोगिन्दर को सुनाई दी तोह वो कंफ्यूज हो गया और यही हाल शिवानी और सोनाली का भी था उन्होंने कुछ दिएर और वेट किया फिर वो किसी को देखने के लिए भेजते उसे पहले हे कुछ पुलिस वाले तीनो की तरफ ए और साडी बात बताई सोनाली का तोह दिल जो पहले हे घबरा रहा था वो निर्वाण की मौत की बात सुनकर टूट गया वो वंही जमीन पर बैठ गयीईइ …..शिवानी दूसरी तरफ से भागते हुवे उसके पास आयी ..सोनाली की हालत बुरी हो गयी thi….jaise जिंदगी से उसने जीने की छह हे छोड़ दी ho…Shiwani ने उसे बहुत बार खड़ा करने की कोसिस की पर वो तोह जैसे जिन्दा लाश बन गयी हो…..

उधर जोगिन्दर ने तुरंत हे एक्शन लिया और जिस तरफ डगप को किडनैप कयके लेके गए थे उस रस्ते की तरफ पुलिस इंटेलिजेंस रूम मई इन्फॉर्म कर दिया पर खेल तोह ख़तम हो गया.

……निर्वाण मारा गया …….



आज के लिए इतना हे मस्ती मई पढ़ने का लाइक्स और रेवोएस ठोकने का ....
 
स्टील शार्ट ऑफ़ एक्सपेक्टेड लाइक्स...
 
अपकमिंग

........ इतस शो टाइम........
 
Gov..ne इंटरनेट बांड कर दिया था अपडेट कल मॉर्निंग मई देता हु अगर नेट चालू रहा तोह
 
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