- Joined
- Dec 5, 2013
- Messages
- 32,172
थोड़ी देर मैं पापा जी का मश्ग
ससुर : तुम्हारे पापा जाग रहे थे इस लिए मश्ग नहीं किया
मैं भी परेशान हु बहु रानी क्या कृ मुझे क्या पता था की ये सुब आ जायेंगे और हमारा मज़ा ख़राब क्र दंगे
में: मुझे नहीं पता पापा जी मुझे आप का मुसल चाहिए अपनी छूट मैं आज रात को
ससुर: सुबह तो बोल रही थी की भोसड़ा सुज्ज गया है
में: है और क्या छूट को भोसड़ा भी आप ने बनाया है
sasur:aur गांड का
में: गांड का गाँडरो
ससुर : है है है है है है है
में: पापा सो गए
ससुर: है सो गए कार ड्राइव करके आये थे न इस लिए थक गए थे
में: है उम्र भी हो गई है
ससुर: पर तुम्हरी माँ तो माल लग रही थी
में: तो छोड़ देते न मन किसने किया
ससुर: तुम्हे कोई प्रॉब्लम नहीं होती
में: क्यों छूट मेरे पास भी है और माँ के पास भी
और लुंड आप के पास है तो प्रॉब्लम क्या होगी
लुंड और छूट बने हे एक दूसरे के लिए है
ससुर: है पर तुम्हारे पापा
में: ऐसे तो मोहित भी है पर आप से चूड़ी न
तो माँ भी चुद लेगी अगर छूट प्यासी होगी तो
ससुर: साला लुंड खड़ा हो गया तेरी माँ को छोड़ने के नाम से
में: है तो होगा हे असली मर्द हो आप और जब लुंड को कोई माल नज़र आता है तो खड़ा हे हो जाता है
ससुर: सुच मैं तू मेरी बेस्ट फ्रेंड है बहु
में: वो तो हु पर के बार बोलू
ससुर: बोल न
में: पूर्वी आप का लुंड झेल लेगी
ससुर: अब पूर्वी कहा से आ गई
में: क्यों वो माल नहीं लग रही थी क्या
कितनी भरी गांड है उसकी
मेरी माँ से भी ज्यादा
ससुर कुछ नहीं बोले
में: क्या हुआ बेटी पर आई तो चुप
अपनी भाभी को छोड़ा कल बहु को छोड़ा
आज संधान को छोड़ने को बोलल रहे हो
अपनी बेटी पर आई तो
ससुर: ऐसा नहीं है बहु पर समजह क्र तू क्या समझेगी अपने ससुर को
में: कुछ नहीं समझूंगी मेरे राजा बोलै न पहले रिश्ता लुंड छूट का फिर दूसरा
अब जल्दी बोलो छोड़ना है न पूर्वी और मनोरमा को
ससुर: क्यों नहीं है तो औरत हे फिर बेटी हे क्यों न हो
में: ये हुए न असली मर्द की बात
ससुर: पर पहले तेरी माँ को छोड़ने का मैं क्र रहा है बजह वो मेरे मुसल जो झेल लेगी
में: इतना कॉन्फिडेंस
ससुर: है क्यों की जब बेटी ने झेल लिया तो मशीन तो झेल हे लेगी
में: तो छोड़ देते दिन मैं हे
ससुर: तेरे बाप की बजह से छोड़ दिया
में: अच्छा या हिम्मत नहीं हुए
आप का तो संधान और समधी का रिश्ता है मज़ाक तो चलता है
ससुर: है पर चुदाई तो नहीं चलती
में: है ये तो है
अब अपना बोलो कब आ रहे हो
ससुर: कहा
में: अरे मेरे भोसड़े और बड़ा करने
ससुर: पर कहा
में: मेरे रूम मैं
ससुर: पर मोहित
में: दूध मैं नींद की गोली दे दी है आप 15 मिनट्स मैं आ जाना बस
ससुर : पर तेरे पापा
में: वो एक बार सो जाये फिर सुबह से पहले नहीं उठते उनकी चिंता मत करो
ससुर: ok जान आता हु तेरी गांड मरने
में: जल्दी आओ खुली मिलेगी गांड क्या छूट भी
और मैं ससुर का इंतज़ार करने लगी
और थोड़ी देर मैं दरवाजा खुला और पापा जी आ गए रूम मैं 0 वाट का बल्ब जल रहा था
और मैं शरीफ ब्रा और निघ्त्य मैं थी
मैंने पापा जी को धीरे से आने को कहा और खुद जहा पहले से मैंने फर्श पर मैट्रेस्स बिछा रखा था बैठ गई
तो पापा जी आये और पागलो की तरह चूसने चूमे लगे
में: इस्स्स्सस्स्स्स आराम से जान भाग नहीं राइ हु पूरी रात है
ससुर जी धीरे से नहीं नहीं तेरे पापा उठ सकते है तो एक राउंड करके चला जाऊंगा
में: बोलै न नहीं उठेंगे आप मज़ा करो उनकी बेटी के साथ कल बीवी से क्र लेना
ससुर जी मेरी आँखों मैं देखते हुए
सुच
में: आप पर है कैसे फसते हो
मेरी तरफ से पूरी छूट है
सौर :मोहित को देख क्र ये सो रहा है न
में: है बाबा आप से ज्यादा मेरी लाइफ ख़राब हो जयएगी इस लिए कन्फर्म करके हे आप को अपना भोसड़ा छुड़वाने बुलाया है
और माँ की बात पर
ससुर': कल की कल देख लेंगे पहले इससे तो देख लू और मुझे लिटा क्र मेरी नैत्य उप्पेर की और मैंने जल्दी से पूरी उतर दी अब मैं शरीफ ब्रा मैं थी
ससुर: सुच मैं क्या कैसा हुआ जिस्म है मेरी बहु का
आउट देख कैसे भोसड़ा सुजा हुआ है
मुझे नहीं पता मुझे लुंड चाहिए ये सुनते हे पापा जी ने
एक झटके मैं ब्रा को खींच क्र उतर दिया
में: आराम से कुत्ते और मुस्कुरा ते हुए उनके चेहरे को अपने बूब्स पर रख दिया
चुसो मेरे मुम्मे मेरी जान
ससुर: कल तक तो बूब्स के आज मुम्मे
में: इस्स्स्सस्स्स्स जैसे देख वैसा भेष
और निप्पल उनके मुँह मैं और वो चूसने लगे
तभी मेरी नज़र बीएड पर सो रहे मोहित पर गई तो बड़े सुकून से सो रहे थे
और मुझे पता नहीं कहा से इतनी मस्ती आई पापा जी तो मैट्रेस्स पर लिटा दिया और खुद उनके साइन पर दिनों तरफ रेंज करके बैठ गई और अपनी छूट की फांके खोल के उनके मुँह के पास
लो चुसो इससे मेरे राजा अपनी बहु का भोसड़ा आप का फवौरीते
और पापा जी ने अपनी जीभ निकली और अपने दोनों हाथों से मेरी चूतड़ों को पकड़ क्र अपने मुँह के पास खींचा और अपनी जीभ उसमे घुसा दी
में: इस्स्स्सस्स्स्स माआआआ ऐसे हे jaaaaaaaaaaaaaaan ऐसे हे चूस अपनी बहु का भोसड़ा ऊऊफफफफफ कितना मस्त है रे तू बुड्ढे अपनी जवान बहु को उसके पति से अच्छा छोड़ता है रे तू
हरामी कही हे और अपनी छूट को उनके मुँह पर रगड़ने लगी
ससुर जी मेरे चूतड़ों को मसल रहे थे और छूट को जीभ से चाट रहे थे छोड़ रहे थे
और मैं अपने बूब्स को खुद माल रही थी और मोहित को देखते हुए
में: देखो मोहित अपने पापा को देखो
कैसे तुम्हरी बीवी की प्यासी छूट को Chu's रहे है चाट रहे है और अपने मुसल से मेरी छूट का भोसड़ा और गांड का गाँडरो बना दिए है एक दिन मैं हे
कुछ सीखो इनसे पूरी रात सोये और फिर सो गए
ये भी नहीं सोचा की बीवी लंगड़ा क्यों रही है कितने बुद्धू हो तुम
और पापा जी के चेहरे को अपनी छूट पर दबाने लगी
क्यों की मोहित को देख क्र पता नाह कहा से इतनी मस्त या उत्तेजना आ रही थी की
में: ऊऊफफफफफ पापा जी और तेज चुसो मैं आने वाली हु aaaaaaaaaaaaaaahhjiiiiiiiiiiiiaaaaaa देखो मोहित देखो अपने बाप को
कुत्ते और तेज चास मेरे raaaaaaajjjjjjaaaaaaaaaaa मैं haiiiiiiiiiiiiiiiiii haiiiiiiiiiiiiiiiiii gaiiiiiiiiiiiiiiiiiiiiiiiiiiiii और मेरी छूट ने पापा के मुँह मैं पानी छोड़ने सुरु क्र दिया
और मैं लम्बी लम्बी सांसे ले रही थी और अपना भोसड़ा उनके मुँह और नोज पर लगा रखा था
तब्बू पापा जी छटपटाने लगे तो देखा की मेरी छूट की बजह से उनको साँस लेने मैं प्रॉब्लम हो रही थी तो मैं जल्दी से हटी
ससुर: लम्बी सांसे लेते हुए मार देगी क्या
में: हस्ते हुए इतनी जल्दी नहीं मरने वाले आप पापा जी अभी तो तीन छूट और फआयआयड नई है आप को
और पापा जी की लुंगी उतर क्र
पापा जी का अंडरवियर उतर क्र उनके लुंड को पकड़ लिया
और उससे
त्यार हो जा मेरे राजा तीन तीन छूट तहत है तेरे लिए अगर तेरा मालिक समझदार होगा तो और लुंड के सुपडे को मुँह मैं भर लिया और चूसने लगी
ससुर : तुम्हारे पापा जाग रहे थे इस लिए मश्ग नहीं किया
मैं भी परेशान हु बहु रानी क्या कृ मुझे क्या पता था की ये सुब आ जायेंगे और हमारा मज़ा ख़राब क्र दंगे
में: मुझे नहीं पता पापा जी मुझे आप का मुसल चाहिए अपनी छूट मैं आज रात को
ससुर: सुबह तो बोल रही थी की भोसड़ा सुज्ज गया है
में: है और क्या छूट को भोसड़ा भी आप ने बनाया है
sasur:aur गांड का
में: गांड का गाँडरो
ससुर : है है है है है है है
में: पापा सो गए
ससुर: है सो गए कार ड्राइव करके आये थे न इस लिए थक गए थे
में: है उम्र भी हो गई है
ससुर: पर तुम्हरी माँ तो माल लग रही थी
में: तो छोड़ देते न मन किसने किया
ससुर: तुम्हे कोई प्रॉब्लम नहीं होती
में: क्यों छूट मेरे पास भी है और माँ के पास भी
और लुंड आप के पास है तो प्रॉब्लम क्या होगी
लुंड और छूट बने हे एक दूसरे के लिए है
ससुर: है पर तुम्हारे पापा
में: ऐसे तो मोहित भी है पर आप से चूड़ी न
तो माँ भी चुद लेगी अगर छूट प्यासी होगी तो
ससुर: साला लुंड खड़ा हो गया तेरी माँ को छोड़ने के नाम से
में: है तो होगा हे असली मर्द हो आप और जब लुंड को कोई माल नज़र आता है तो खड़ा हे हो जाता है
ससुर: सुच मैं तू मेरी बेस्ट फ्रेंड है बहु
में: वो तो हु पर के बार बोलू
ससुर: बोल न
में: पूर्वी आप का लुंड झेल लेगी
ससुर: अब पूर्वी कहा से आ गई
में: क्यों वो माल नहीं लग रही थी क्या
कितनी भरी गांड है उसकी
मेरी माँ से भी ज्यादा
ससुर कुछ नहीं बोले
में: क्या हुआ बेटी पर आई तो चुप
अपनी भाभी को छोड़ा कल बहु को छोड़ा
आज संधान को छोड़ने को बोलल रहे हो
अपनी बेटी पर आई तो
ससुर: ऐसा नहीं है बहु पर समजह क्र तू क्या समझेगी अपने ससुर को
में: कुछ नहीं समझूंगी मेरे राजा बोलै न पहले रिश्ता लुंड छूट का फिर दूसरा
अब जल्दी बोलो छोड़ना है न पूर्वी और मनोरमा को
ससुर: क्यों नहीं है तो औरत हे फिर बेटी हे क्यों न हो
में: ये हुए न असली मर्द की बात
ससुर: पर पहले तेरी माँ को छोड़ने का मैं क्र रहा है बजह वो मेरे मुसल जो झेल लेगी
में: इतना कॉन्फिडेंस
ससुर: है क्यों की जब बेटी ने झेल लिया तो मशीन तो झेल हे लेगी
में: तो छोड़ देते दिन मैं हे
ससुर: तेरे बाप की बजह से छोड़ दिया
में: अच्छा या हिम्मत नहीं हुए
आप का तो संधान और समधी का रिश्ता है मज़ाक तो चलता है
ससुर: है पर चुदाई तो नहीं चलती
में: है ये तो है
अब अपना बोलो कब आ रहे हो
ससुर: कहा
में: अरे मेरे भोसड़े और बड़ा करने
ससुर: पर कहा
में: मेरे रूम मैं
ससुर: पर मोहित
में: दूध मैं नींद की गोली दे दी है आप 15 मिनट्स मैं आ जाना बस
ससुर : पर तेरे पापा
में: वो एक बार सो जाये फिर सुबह से पहले नहीं उठते उनकी चिंता मत करो
ससुर: ok जान आता हु तेरी गांड मरने
में: जल्दी आओ खुली मिलेगी गांड क्या छूट भी
और मैं ससुर का इंतज़ार करने लगी
और थोड़ी देर मैं दरवाजा खुला और पापा जी आ गए रूम मैं 0 वाट का बल्ब जल रहा था
और मैं शरीफ ब्रा और निघ्त्य मैं थी
मैंने पापा जी को धीरे से आने को कहा और खुद जहा पहले से मैंने फर्श पर मैट्रेस्स बिछा रखा था बैठ गई
तो पापा जी आये और पागलो की तरह चूसने चूमे लगे
में: इस्स्स्सस्स्स्स आराम से जान भाग नहीं राइ हु पूरी रात है
ससुर जी धीरे से नहीं नहीं तेरे पापा उठ सकते है तो एक राउंड करके चला जाऊंगा
में: बोलै न नहीं उठेंगे आप मज़ा करो उनकी बेटी के साथ कल बीवी से क्र लेना
ससुर जी मेरी आँखों मैं देखते हुए
सुच
में: आप पर है कैसे फसते हो
मेरी तरफ से पूरी छूट है
सौर :मोहित को देख क्र ये सो रहा है न
में: है बाबा आप से ज्यादा मेरी लाइफ ख़राब हो जयएगी इस लिए कन्फर्म करके हे आप को अपना भोसड़ा छुड़वाने बुलाया है
और माँ की बात पर
ससुर': कल की कल देख लेंगे पहले इससे तो देख लू और मुझे लिटा क्र मेरी नैत्य उप्पेर की और मैंने जल्दी से पूरी उतर दी अब मैं शरीफ ब्रा मैं थी
ससुर: सुच मैं क्या कैसा हुआ जिस्म है मेरी बहु का
आउट देख कैसे भोसड़ा सुजा हुआ है
मुझे नहीं पता मुझे लुंड चाहिए ये सुनते हे पापा जी ने
एक झटके मैं ब्रा को खींच क्र उतर दिया
में: आराम से कुत्ते और मुस्कुरा ते हुए उनके चेहरे को अपने बूब्स पर रख दिया
चुसो मेरे मुम्मे मेरी जान
ससुर: कल तक तो बूब्स के आज मुम्मे
में: इस्स्स्सस्स्स्स जैसे देख वैसा भेष
और निप्पल उनके मुँह मैं और वो चूसने लगे
तभी मेरी नज़र बीएड पर सो रहे मोहित पर गई तो बड़े सुकून से सो रहे थे
और मुझे पता नहीं कहा से इतनी मस्ती आई पापा जी तो मैट्रेस्स पर लिटा दिया और खुद उनके साइन पर दिनों तरफ रेंज करके बैठ गई और अपनी छूट की फांके खोल के उनके मुँह के पास
लो चुसो इससे मेरे राजा अपनी बहु का भोसड़ा आप का फवौरीते
और पापा जी ने अपनी जीभ निकली और अपने दोनों हाथों से मेरी चूतड़ों को पकड़ क्र अपने मुँह के पास खींचा और अपनी जीभ उसमे घुसा दी
में: इस्स्स्सस्स्स्स माआआआ ऐसे हे jaaaaaaaaaaaaaaan ऐसे हे चूस अपनी बहु का भोसड़ा ऊऊफफफफफ कितना मस्त है रे तू बुड्ढे अपनी जवान बहु को उसके पति से अच्छा छोड़ता है रे तू
हरामी कही हे और अपनी छूट को उनके मुँह पर रगड़ने लगी
ससुर जी मेरे चूतड़ों को मसल रहे थे और छूट को जीभ से चाट रहे थे छोड़ रहे थे
और मैं अपने बूब्स को खुद माल रही थी और मोहित को देखते हुए
में: देखो मोहित अपने पापा को देखो
कैसे तुम्हरी बीवी की प्यासी छूट को Chu's रहे है चाट रहे है और अपने मुसल से मेरी छूट का भोसड़ा और गांड का गाँडरो बना दिए है एक दिन मैं हे
कुछ सीखो इनसे पूरी रात सोये और फिर सो गए
ये भी नहीं सोचा की बीवी लंगड़ा क्यों रही है कितने बुद्धू हो तुम
और पापा जी के चेहरे को अपनी छूट पर दबाने लगी
क्यों की मोहित को देख क्र पता नाह कहा से इतनी मस्त या उत्तेजना आ रही थी की
में: ऊऊफफफफफ पापा जी और तेज चुसो मैं आने वाली हु aaaaaaaaaaaaaaahhjiiiiiiiiiiiiaaaaaa देखो मोहित देखो अपने बाप को
कुत्ते और तेज चास मेरे raaaaaaajjjjjjaaaaaaaaaaa मैं haiiiiiiiiiiiiiiiiii haiiiiiiiiiiiiiiiiii gaiiiiiiiiiiiiiiiiiiiiiiiiiiiii और मेरी छूट ने पापा के मुँह मैं पानी छोड़ने सुरु क्र दिया
और मैं लम्बी लम्बी सांसे ले रही थी और अपना भोसड़ा उनके मुँह और नोज पर लगा रखा था
तब्बू पापा जी छटपटाने लगे तो देखा की मेरी छूट की बजह से उनको साँस लेने मैं प्रॉब्लम हो रही थी तो मैं जल्दी से हटी
ससुर: लम्बी सांसे लेते हुए मार देगी क्या
में: हस्ते हुए इतनी जल्दी नहीं मरने वाले आप पापा जी अभी तो तीन छूट और फआयआयड नई है आप को
और पापा जी की लुंगी उतर क्र
पापा जी का अंडरवियर उतर क्र उनके लुंड को पकड़ लिया
और उससे
त्यार हो जा मेरे राजा तीन तीन छूट तहत है तेरे लिए अगर तेरा मालिक समझदार होगा तो और लुंड के सुपडे को मुँह मैं भर लिया और चूसने लगी