अपडेट 20
Hi ब्यूटी क्वीन :डी
दांत दिखाते हुए सुमित एक बार फिर मेघा की सीट के पास बैठ गया.
सुमित की आवाज सुन मेघा सुमित को गुस्से से देखती है और फिर इग्नोर कर पढ़ने लगती है.
तभी थोड़ी दूर से एक आवाज आता है.
"लोग प्यार होने के बाद कॉलेज आते hai...Apne गफ के साथ टाइम स्पेंड karne...Aur सुमित tu...Tu उलटी खोपड़ी ले कर पैदा हुआ hai...Break उप होने के बाद कॉलेज आने लगा hai...Hadd है."
सुमित:- और मुकेश tu...Tu साले ga**d मरवाने के लिए पैदा हुआ hai...Issi लिए सभी से पन्गा ले रहा है.
अगर मैंने अपने गुस्सा पर से कण्ट्रोल खो दिया तो कभी पास आने की हिम्मत भी नहीं करेगा.
सुमित की इस बात पर क्लास के आधा स्टूडेंट्स हसने लगे तो आधा हैरानी से घूरने lage...Shayad सुमित से ये लैंग्वेज किसी ने एक्सपेक्ट नहीं किया था.
सबका ऐसे हसना मुकेश को बिलकुल भी अच्छा नहीं laga...Wo सुमित की तरफ बढ़ते हुए कहता है.
मुकेश:- क्यों बे? ज्यादा हीरो बन रहा है?
जैसे hi मुकेश सुमित के पास pahuncha...Sumit ने बिना कुछ कहे एक हाथ से मुकेश का गाला पकड़ कर हवा में उठा दिया और कक्तव की तरफ मुकेश को करके दो थप्पड़ खिंच देता है.
सुमित:- प्रे कर की कक्तव में किसी ने नोटिस नहीं kiya...Warna दोनों ृस्तिकते हो सकते hai...Mujhe तो अपना परवाह नहीं तू अपना सोच.
इतना कह कर सुमित मुकेश को धक्का दे कर वापस भेज देता है.
सुमित अब्ब थोड़ा हल्का महसूस कर रहा tha...Itne दिनों का गुस्सा और फ़्रस्ट्रेशन उसने मुकेश पर निकाल दिया था.
फिर वो मेघा की तरफ देखता है जो अभी भी सुमित को गुस्से से घर रही थी.
सुमित:- करना पड़ता hai...Aise लोगो के साथ ऐसे hi बात और लात जरुरी hai...Warna मई वही सिंपल एंड स्ट्रैट फॉरवर्ड सुमित हूँ. :डी
मेघा कुछ जवाब नहीं देती.
और फिर क्लास में प्रोफेसर आ जाते है और पढ़ाने लगते hai...Ye वही प्रोफेसर है जिसका सुमित से पहले दिन मुलाक़ात हुआ था.
सुमित पेपर में कुछ लिख कर मेघा की तरफ बढ़ा देता है.
मेघा चेक करती है और उसमें लिखा था सॉरी
मेघा बिना कुछ कहे पेपर फाड़ कर फेंक देती है.
सुमित:- (धीरे से) नाराज हो मुझसे?
मेघा ने सुमित को साफ़ इग्नोर कर दिया था लेकिन सुमित अपने कोशिश पर लगा हुआ था.
सुमित:- होना भी chaahiye...Kaam hi ऐसा किया है मैंने.
सुमित:- कुछ तो बोलो.
सुमित:- Accha...Mat bolo...Aaj तुम सुनोगी और मई बोलूंगा.
इस बार मेघा गुस्से से सुमित को देखती hai...Shayad सुमित की बात सुन्ना भी उससे पसंद नहीं था.
सुमित:- Gussa...Gussa में तो तुम बिलकुल भी अच्छी नहीं लगती.
अगर ऐसे hi गुस्से वाला चेहरा रहा तो तुम्हे अग्ली क्वीन bulaunga...Soch लो. :डी
मेघा वापस लेक्चर पर ध्यान देने लगती है.
सुमित:- हाँ तो कहा था mai...Maaf करने की बात पर.
एक hi रिक्वेस्ट है mera...Mujhe कभी माफ़ मत karna...Hamesha नफरत करते raho...Mere सॉरी बोलने पर भी माफ़ मत करना.
सुमित को बातें करते हुए प्रोफेसर देख लेते है.
प्रोफेसर:- Hey...Both ऑफ़ you...Stand up...Kya हुआ?
मेघा:- कुछ नहीं सर.
प्रोफेसर:- तो फिर क्या बात क्यों कर रहे थे?
सुमित:- सर कुछ कन्फूसिओं tha...Wohi क्लियर कर रहा था.
प्रोफेसर:- तुम्हे भी कोई कन्फूसिओं होता है?
प्रोफेसर ने हैरानी से पूछा.
सुमित:- मेघा को कुछ कन्फूसिओं था जो मई क्लियर कर रहा था.
प्रोफेसर:- हाँ तुम तो करोगे hi...Itna इंटेलीजेंट हो की तुम तो मेरा भी कन्फूसिओं क्लियर कर डोज.
(तो मेघा) लेकिन लेक्चर देने का और कन्फूसिओं क्लियर करने का ड्यूटी मेरा hai...Samajh गयी ना तुम?
मेघा:- यस sir...Aage से कोई कंप्लेंट नहीं आएगा.
फिर प्रोफेसर पढ़ाने लगते है और मेघा सुमित को गुस्से से देखती है.
सुमित:- Matlab...Matlab
इतना कह कर सुमित धीरे से हसने लगता है.
सुमित:- मतलब अभी भी तुम्हारे दिल में मेरे लिए जगह है.
इतना कह कर फिर सुमित हसने लगता hai...Saath hi ये भी ध्यान दे रहा था की प्रोफेसर नोटिस ना करे.
मेघा:- Jagah...In माय फुट.
सुमित:- कही भी ho...Yahi काफी है की कोई जगह तो है.
अगर नहीं होता तो तुम मुझे प्रोफेसर से नहीं bachati...Ulta कंप्लेंट कर देती.
मेघा:- तुम्हारा प्रॉब्लम क्या है?
सुमित:- इतना भी ना समझ नहीं हो तुम की मेरे प्रॉब्लम से अनजान हो.
मेघा कुछ जवाब नहीं देती.
सुमित:- सही कह रहा हूँ naa...Abhi भी तुम्हारे दिल में मेरे लिए जगह है.
मुस्कुराते हुए सुमित ने सवाल kiya...Jawaab मिला तो मेघा की गुस्से से भरी नजर.
सुमित:- गुस्सा क्यों हो रही हो? सच hi तो कहा मैंने.
अभी भी तुम्हारे दिल में मेरे लिए जगह hai...Bhale hi वो नफरत का हो.
मेघा कुछ जवाब नहीं deti...Abb सुमित भी मेघा को और परेशान नहीं करना चाहता.
सुमित:- जो भूल हुआ है मुझसे उससे मई सुधार नहीं sakta...Aur अफसोश भी नहीं hai...Kyu की ये जरुरी था.
बस अब्ब कुछ कर सकता हूँ तो एक ummeed...Tumhari मदद ka...Mujhe कीर्ति से फिर से मिलाने मि उम्मीद.
मेघा:- और कितना स्वार्थी बनोगे तुम सुमित? तुम से ज्यादा बेशर्म इंसान आज तक नहीं देखा मैंने?
गुस्सा और दर्द से भरी आवाज में जवाब दिया मेघा ने.
सुमित:- स्वार्थी, घटिया, बेशर्म कुछ भी kaho...Mujhe कोई फर्क नहीं पड़ता.
अगर किसी चीज से फर्क पड़ता है तो वो है Kirti...Meri pyar...Meri duniya...Mera सब kuch...Ussi के लिए ये सब कर रहा hun...Aur आगे भी करूँगा.
किसी ने कहा tha..."Everything इस फेयर इन लव एंड war."...Lekin इसको एडिट कर के कहता हूँ. "मोस्ट ऑफ़ थे थिंग इस फेयर इन लव एंड वॉर."
और ये मोस्ट ऑफ़ थे थिंग में मैंने जो भी किया मुझे सही laga...Tumhare लिए गलत हूँ लेकिन अपने प्यार के लिए सही.
मेघा कुछ जवाब नहीं deti...Aur सुमित भी इस बार चुप हो जाता है.
लेक्चर ख़त्म होता hai...Dusra सुरु होने से पहले hi.
सुमित:- अगर हो सके तो ये एक एहसान कर देना मुझ पर.
इतना कह कर सुमित बैग ले कर क्लास से निकल जाता hai...Usse और नाटक नहीं किया जा रहा tha...Gham में भी मुस्कुरा कर दुनिया को दिखाने की.
ात इवनिंग
शाम में जब राज अपने रूम में आता है तो रूम का हाल देख कर हैरान रह जाता है.
रूम में धुआँ hi धुआँ फैला हुआ था सिगरेट ka...Sumit पर नजर पड़ते hi देखा की सुमित अभी भी बीएड पर बैठ कर सिगरेट फंक रहा tha...Chehra में कोई भी भाव नहीं था.
राज:- भाई ये सब क्या है?
सुमित:- बस ऐसे hi...Aaj कण्ट्रोल नहीं कर पाया.
सुमित ने बिना किसी भाव के जवाब दिया.
राज:- एक बात कहना था आपसे.
सुमित का हालत देख राज चुप हो जाता है.
सुमित:- हाँ बोल.
राज:- नहीं bhai...Kuch भी नहीं.
सुमित:- पहले से hi दिमाग खराब hai...Aur गुस्सा मत dila...Jaldi बोल.
राज:- वो bhai...Aaj कीर्ति ने मुझे बुलाया था मिलने के liye...Abhi उसी के साथ टाइम स्पेंड करके आया hun...Bas यही खुशखबरी सुनाना चाहता था.
ये सुन सुमित के चेहरे पर मुस्कान आ जाता है.
सुमित:- वादा किया tha...Vakt से पहले तुम दोनों को मिला दूंगा.
राज की इस बात से सुमित भी खुश हो गया जैसे ये उसका भी जीत है.
फिर उसने सिगरेट बुझा कर ऐशट्रे पर फेंक दिया.
सुमित:- चल आ बैठ...
अपने बीएड की तरफ इशारा कर सुमित ने कहा.
सुमित:- तुझे देख मई भी खुश हो gaya...Bhale hi मेरा प्यार अधूरा रह gaya...Tujhe तेरा प्यार मिल gaya...Bas इसी में खुश हूँ.
हर बात के साथ सुमित की ख़ुशी भी बढ़ता जा रहा था..
सुमित की बात के साथ राज को भी कुछ याद आया.
राज:- Bhai...Bhul hi गया tha...Bataiye ना आपकी कहानी?
ये बात सुनते hi सुमित के चेहरा फिर से भाव हीं हो गया.
राज:- क्या हुआ भैया?
सुमित:- क्या करेगा सुन kar...Ek अधूरी कहानी hai...Ek भूल और प्यार के एहसास का.
ये कह कर सुमित खिड़की के पास चला गया और अपने पुराने खूबसूरत और मनहूस पल को याद करने लगा.
फ्लैशबैक
फ्रेंड्स थ्योरी एग्जाम कम्पलीट हो गया और एग्जाम भी अच्छा गया उसी ख़ुशी में आज अपडेट दे रहा hun...Abb प्रैक्टिकल बाकी है और वो भी फ्राइडे ख़त्म हो jaayega...Friday से 3 या 4 हफ्ते तक रेगुलर रहूँगा.
और स्टोरी अब्ब फ्लैशबैक में जाने वाली hai...Flashback में अराउंड 15 अपडेट honge...Aur उसके बाद स्टोरी अपने मैं प्लाट पर आएगा.
और रिलीज भी जल्द दूंगा.