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- Dec 5, 2013
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ऑफिस टाइम ऑफ होआ तो वह विनोद की बता क्र नीतू की साथ शॉपिंग मॉल मैं चली गए ........
नीतू ...... हाँ तो बताओ फिर क्या गिफ्ट लो गई तुम अपनी विनोद जी की लय ..... उनको सरप्राइज करनी की लय .......
महीन ब्लश करती होइ ....... मुझी नहीं पता .......... तुम hi बताओ ....
नीतू ....... ी थिंक एक पंत शर्ट और एक घरी ठीक रही गई ......
महीन .......... हम्म ठीक है ...... लकिन घरी किस लय
नीतू महीन को तंग करती होइ बोली ....... वह इस लय की जब भी विनोद तुम्हारी दी होइ घरी पहनी गए तो उसी तुम्हारी याद आय गई ........... हाहाहाहा
महीन शर्मा गए और ाग्य बढ़ गए स्टोर मैं .......
नीतू न्य एक शर्ट निकाली जो ब्राइट कलर की थी ............ महीन यह चेक करो .......... ी थिंक विनोद इस मई डैशिंग लगे गए ........
महीन नर्वस होती होय ............ पता नहीं ...... और अगर यह लय लाइन तो महीन न्य नीतू को अपनी पसंद की एक शर्ट दिखाई ........... क्रीम कलर मैं ..........
नीतू मुस्कराई ........ ठीक है ....... व्हाई नॉट ....... तुमको अपनी पसंद की hi शर्ट गिफ्ट करनी चाहिए ............ जब उसनी पहन नई भी तुम्हारी सामन्य hi है ............
महीन भी वीर्य सी मुस्करा दी ........ और फिर विनोद की लय उस शर्ट की साथ एक ब्लैक कलर की पंत भी लय ली .........
महीन ाहसिता सी बोली ............ नीतू ........ वह ....... विनोद जी को कल मंदिर भी जाना है पूजा की लय ........... तो मैं सोच रही थी की उनकी लय एक पजामा और कुरता भी लय लोन ............. ाचा लगी गए न जब वह नया पजामा कुरता पहन क्र मंदिर जाईं गए ..........
नीतू महीन को देखती होइ शरारत सी मुस्करा रही थी ........... वह ........ अभी थोड़ी देर पहली तो तुमको यह सुब अजीब लग रहा था ...... और अब देखो कितनी फ़िक्र हो रही है विनोद की ............. जैसी विनोद न्य तुम्हारी साथ पहली डेट पी जाना है ........
महीन बस मुस्करा दी ............ और फिर हैंग की होय कुर्ती देखनी लगी ........ महीन न्य एक मैरून कलर का कुरता और उसकी साथ सुफैद पजामा सेलेक्ट क्या .......
महीन ....... यह कैसा लगी गए ........
नीतू ........... योर चॉइस इस ऑलवेज गुड ............. टेक आईटी महीन ......
महीन खुश हो गए .......... और फिर नीतू कि आठ उसनी एक खूबसूरत सी वाच भी खरीद ली .............
महीन .......... थैंक्स नीतू ........... चलो अब घर चलें ........
नीतू ........ क्या मतलब घर चलें .......
महीन हैरानी सी ...... हाँ तो विनोद की लय गिफ्ट्स लय तो लये हैं तो अब घर hi चलना है न ...........
नीतू ........... no वे महीन .......... मैं न्य बोलै था न की तुम उसकी साथ बहार जाओ गई ........ तुमको विनोद की लय स्पेशल तैयार होना है ........ कुछ ऐसा पहन न है जो तुम्हारी और उसकी लय स्पेशल हो ............
महीन नीतू की बातें सुन रही थी ........... तुम कहना क्या चाहती हो ......
नीतू ....... मैं यह कहना चाहती हों की तुमको भी अपनी लय कोई नै स्पेशल ड्रेस लेनी चाहिए ........ जो तुम विनोद की जनम दिन पी पहनो जब तुम उसकी साथ बाहिर जाओ तो तुमको भी नै ड्रेस मैं होना चाहिए ...........
महीन ........ हम्म्म ........... कुछ सोचती होइ ........... तो फिर व्हाट दो यू सुग्गेस्ट फॉर में ......... ??
नीतू चाहतकी होइ बोली ........... साड़ी ....... महीन साड़ी मैं तुम गोरजोस लगो गई सुच मैं ........
महीन शॉकेड .......... घबरा की बोली ....... साड़ी ........ ??? नहीं नहीं नीतू ...... मैं न्य कभी साड़ी नहीं पहनी ..... मैं नहीं यह पहन सकती ..............
नीतू .............. एहि तो ख़ास सरप्राइज हो गए ......... और एहि तुम्हारी लय स्पेशल हो गए जो तुम विनोद की ख़ुशी की लय करो गई ...... की तुम अपनी ज़िन्दगी मैं पहली बार विनोद की जनम दिन पर उसकी लय साड़ी पहनो गई ........... उसी भी फील हो गए की तुम उसकी लय ख़ास तोर पी तैयार होइ हो .....
महीन ब्लश करनी लगी ........... उसकी गाल गुलाबी होनी लगी ......
नीतू उसी तैसे करती होइ ............ महीन यू अरे बलुशिंग मेरी जान ...... मेरी कहनी पी तरय तो करो यार .............
महीन शर्माती होइ मुस्करानी लगी
नीतू महीन को लय क्र इंडियन ड्रेसेस की कार्नर मई लय गए ............ वहां कुछ देर देखनी की बाद नीतू न्य महीन की लय एक मैरून कलर की ट्रांसपेरेंट साड़ी सेलेक्ट की ...........
महीन ........ नीतू ...... यह तो ट्रांसपेरेंट है ......... मैं यह कैसी पहन सकती हों यार ......
नीतू .... क्यों क्या होआ तुम क्यों नहीं पहन सकती .......... कितनी बार कह रही हों तुमको की भूल जाओ इंडिया को ........... तुम यहाँ ुक मैं हो ....... और इस वक़्त को एन्जॉय क्र लो ............
महीन आहिस्ता सी बोली ........ और ब्लाउज ........
नीतू मुस्करा की .......... ब्लाउज भी स्पेशल होना चाहिए विनोद की जनम दिन की लय ..........
महीन .......... जी नहीं ........
नीतू न्य हंसती होइ महीन को ब्लौसेस दिखानी लगी ....... जो वह पी सटटूएस पी पहनाय होय थय ............... महीन कुछ सिंपल ब्लाउज देखनी लगी ........... मगर नीतू उसका हाथ पाकर की ाग्य लय आई ........... जहाँ पी कुछ सेक्सी ब्लाउज डिस्प्ले की होय थय ..........
नीतू ....... उन मैं सी नहीं ........ इन मैं सी सेलेक्ट करनी हैं ........
महीन उनको देखनी लगी .......... उसकी आंखें फटी की फटी रह गईं ........ वह बुहत hi सेक्सी कटाई की थय ........ स्लीवलेस और बैकलेस ........ गले भी उनकी काफी डीप थय ..........
महीन ........ नीतू तुम पागल हो गए हो क्या .......... मैं कैसी यह ब्लाउज पहन सकती हों विनोद की सामन्य ..........
नीतू उसको तैसे करती होइ बोली .......... क्यों ...... क्यों नहीं पहन सकती ........ विनोद सी अपनी लेग का मस्सगे करवा सकती हो तो उसकी सामन्य यह ब्लाउज क्यों नहीं पहन सकती .............
महीन ........ पर नीतू .......
नीतू ....... सुच बताओ क्या तुम्हारी जिसम का कुछ भी हिस्सा उसकी सामन्य थोड़ा भी एक्सपोज़ नहीं होआ कभी ............
महीन न्य सर झुका लय शर्म सी ........... नीतू न्य महीन को एक ब्लाउज दया और उसी तरय करनी को बोलै ............ महीन झिझक रही थी ....... नीतू न्य उसी ट्रायल रूम मैं पुश क्या और बोली पहन की दिखाओ ..........
महीन की हालत अजीब हो रही थी ............ वह उस ब्लाउज को देखनी लगी ........... ....... कुछ देर सोचनी की बाद उसनी अपनी शर्ट उतारी ........ और फिर अपनी ब्रा भी उतार की हैंग क्र दी ............. महीन न्य वह ब्लाउज पहना .............. तो उसकी आंखें खुद hi शर्म सी झुक गईं ................. बुहत hi छोटा ब्लाउज था ........ महीन की बूब्स सी नीची बस थोड़ा हिस्सा hi था ब्लाउज का ........ मगर उसकी गूरी गूरी पेट का ज़्यादा हिस्सा नंगा हो रहा था ........ स्लीवलेस था ........... और शोल्डर पी सिर्फ तीन इंच की चोरी स्ट्रैप्स थीं ............ बैक पी भी सिर्फ उतनी hi साइज की पट्टी थी ..... उसकी इलावा उसकी साड़ी कमर नंगी हो रही थी .......... ब्लाउज का गाला काफी खुला होआ था जिस सी महीन का सीना नंगा हो रहा था ........ और उसकी बूब्स का ऊपरी हिस्सा भी ब्लाउज सी थोड़ा थोड़ा दिख रहा था .............
महीन शॉक की हालत मैं खुद को आंय मैं देख रही थी ............. मैं कैसी यह ब्लाउज पहन सकती हों विनोद की सामन्य ........... उसकी तो होश hi उड़द जैन गए ............ पर क्या सोची गए न वह मेरी बारी मैं ............. लकिन क्या उसकी जनम दिन पी यह पहन क्र उसी सुर्पीसे देना उसकी लय बुहत बारे गिफ्ट नहीं हो गए ............... मुझी इस साड़ी मैं देख क्र तो वह प्रिय को भूल hi जाय गए ............... ............ महीन शर्माती होइ मुस्कराई .............. उसकी हिम्मत नहीं हो रही थी बहार जांय की ........... इतनी मैं दूर नॉक होआ .............. और नीतू की आवाज़ आई उसको बहार अन्य को बोली ............
महीन न्य झिझकती होय दरवाज़ा खोला मगर बहार नहीं निकली ........... नीतू न्य महीन को देखा तो उसकी आंखें खुली की खुली रह गईं ........... फिर वह अपनी दिल पी हाथ रख की बिहोश होनी की एक्टिंग करनी लगी .............. उसकी इस हरकत पी महीन भी शर्माती होइ हंसनी लगी ............
नीतू ............. महीन ................ तुम तो जान लय लो गई विनोद की इस साड़ी मैं ..............
महीन .......... नीतू की बची .......... मैं कैसी यह साड़ी पहन सकती हों ........... देखो तो कितना जिसम एक्सपोज़ हो रहा है ............
नीतू मुस्कराई .......... एहि तो स्पेशल हो गए न विनोद की लय ............ जो विनोद को प्रिय की याद नहीं अन्य दी गए .................
महीन ......... लकिन नीतू ..... यह देखो सामन्य सी मेरा सुब कुछ दिख रहा है ..........
नीतू महीन को तैसे करती होइ बोली ........... तुम तो ऐसी बोल रही हो जैसी विनोद न्य कभी बी चांस भी इनको नहीं देखा हो गए घर मैं .......... हहहए
महीन शर्मा गयी ...... बुहत hi बद्तमीज़ हो तुम ............
महीन शर्मा गए ............. और दरवाज़ा बंद क्र लय ............. थोड़ी देर मैं महीन चेंज क्र की बहार निकली ............ नीतू न्य ज़बरदस्ती hi उसकी लय वही मैरून कलर की एम्ब्रॉइडेड ट्रांसपेरेंट साड़ी और वही सेक्सी लुक वाला ब्लाउज लय लय .......
नीतू बोली .... देखना तुम दोनों मैचिंग कलर की ड्रेस मैं जब बहार जाओ गए तो कितनी ाच्य लगो गए ......... बिलकुल एक कपल की तरह ........
महीन शर्मा रही थी ........ रेसिस्ट भी क्र रही थी ....... मगर दिल hi दिल मैं सोच रही थी की कैसा लगी गए विनोद को मुझी इस साड़ी मैं देख की ............... फिर दोनों मॉल सी बहार आ गईं और नीतू न्य महीन को उसकी घर चोर दया ..............
नीतू ...... हाँ तो बताओ फिर क्या गिफ्ट लो गई तुम अपनी विनोद जी की लय ..... उनको सरप्राइज करनी की लय .......
महीन ब्लश करती होइ ....... मुझी नहीं पता .......... तुम hi बताओ ....
नीतू ....... ी थिंक एक पंत शर्ट और एक घरी ठीक रही गई ......
महीन .......... हम्म ठीक है ...... लकिन घरी किस लय
नीतू महीन को तंग करती होइ बोली ....... वह इस लय की जब भी विनोद तुम्हारी दी होइ घरी पहनी गए तो उसी तुम्हारी याद आय गई ........... हाहाहाहा
महीन शर्मा गए और ाग्य बढ़ गए स्टोर मैं .......
नीतू न्य एक शर्ट निकाली जो ब्राइट कलर की थी ............ महीन यह चेक करो .......... ी थिंक विनोद इस मई डैशिंग लगे गए ........
महीन नर्वस होती होय ............ पता नहीं ...... और अगर यह लय लाइन तो महीन न्य नीतू को अपनी पसंद की एक शर्ट दिखाई ........... क्रीम कलर मैं ..........
नीतू मुस्कराई ........ ठीक है ....... व्हाई नॉट ....... तुमको अपनी पसंद की hi शर्ट गिफ्ट करनी चाहिए ............ जब उसनी पहन नई भी तुम्हारी सामन्य hi है ............
महीन भी वीर्य सी मुस्करा दी ........ और फिर विनोद की लय उस शर्ट की साथ एक ब्लैक कलर की पंत भी लय ली .........
महीन ाहसिता सी बोली ............ नीतू ........ वह ....... विनोद जी को कल मंदिर भी जाना है पूजा की लय ........... तो मैं सोच रही थी की उनकी लय एक पजामा और कुरता भी लय लोन ............. ाचा लगी गए न जब वह नया पजामा कुरता पहन क्र मंदिर जाईं गए ..........
नीतू महीन को देखती होइ शरारत सी मुस्करा रही थी ........... वह ........ अभी थोड़ी देर पहली तो तुमको यह सुब अजीब लग रहा था ...... और अब देखो कितनी फ़िक्र हो रही है विनोद की ............. जैसी विनोद न्य तुम्हारी साथ पहली डेट पी जाना है ........
महीन बस मुस्करा दी ............ और फिर हैंग की होय कुर्ती देखनी लगी ........ महीन न्य एक मैरून कलर का कुरता और उसकी साथ सुफैद पजामा सेलेक्ट क्या .......
महीन ....... यह कैसा लगी गए ........
नीतू ........... योर चॉइस इस ऑलवेज गुड ............. टेक आईटी महीन ......
महीन खुश हो गए .......... और फिर नीतू कि आठ उसनी एक खूबसूरत सी वाच भी खरीद ली .............
महीन .......... थैंक्स नीतू ........... चलो अब घर चलें ........
नीतू ........ क्या मतलब घर चलें .......
महीन हैरानी सी ...... हाँ तो विनोद की लय गिफ्ट्स लय तो लये हैं तो अब घर hi चलना है न ...........
नीतू ........... no वे महीन .......... मैं न्य बोलै था न की तुम उसकी साथ बहार जाओ गई ........ तुमको विनोद की लय स्पेशल तैयार होना है ........ कुछ ऐसा पहन न है जो तुम्हारी और उसकी लय स्पेशल हो ............
महीन नीतू की बातें सुन रही थी ........... तुम कहना क्या चाहती हो ......
नीतू ....... मैं यह कहना चाहती हों की तुमको भी अपनी लय कोई नै स्पेशल ड्रेस लेनी चाहिए ........ जो तुम विनोद की जनम दिन पी पहनो जब तुम उसकी साथ बाहिर जाओ तो तुमको भी नै ड्रेस मैं होना चाहिए ...........
महीन ........ हम्म्म ........... कुछ सोचती होइ ........... तो फिर व्हाट दो यू सुग्गेस्ट फॉर में ......... ??
नीतू चाहतकी होइ बोली ........... साड़ी ....... महीन साड़ी मैं तुम गोरजोस लगो गई सुच मैं ........
महीन शॉकेड .......... घबरा की बोली ....... साड़ी ........ ??? नहीं नहीं नीतू ...... मैं न्य कभी साड़ी नहीं पहनी ..... मैं नहीं यह पहन सकती ..............
नीतू .............. एहि तो ख़ास सरप्राइज हो गए ......... और एहि तुम्हारी लय स्पेशल हो गए जो तुम विनोद की ख़ुशी की लय करो गई ...... की तुम अपनी ज़िन्दगी मैं पहली बार विनोद की जनम दिन पर उसकी लय साड़ी पहनो गई ........... उसी भी फील हो गए की तुम उसकी लय ख़ास तोर पी तैयार होइ हो .....
महीन ब्लश करनी लगी ........... उसकी गाल गुलाबी होनी लगी ......
नीतू उसी तैसे करती होइ ............ महीन यू अरे बलुशिंग मेरी जान ...... मेरी कहनी पी तरय तो करो यार .............
महीन शर्माती होइ मुस्करानी लगी
नीतू महीन को लय क्र इंडियन ड्रेसेस की कार्नर मई लय गए ............ वहां कुछ देर देखनी की बाद नीतू न्य महीन की लय एक मैरून कलर की ट्रांसपेरेंट साड़ी सेलेक्ट की ...........
महीन ........ नीतू ...... यह तो ट्रांसपेरेंट है ......... मैं यह कैसी पहन सकती हों यार ......
नीतू .... क्यों क्या होआ तुम क्यों नहीं पहन सकती .......... कितनी बार कह रही हों तुमको की भूल जाओ इंडिया को ........... तुम यहाँ ुक मैं हो ....... और इस वक़्त को एन्जॉय क्र लो ............
महीन आहिस्ता सी बोली ........ और ब्लाउज ........
नीतू मुस्करा की .......... ब्लाउज भी स्पेशल होना चाहिए विनोद की जनम दिन की लय ..........
महीन .......... जी नहीं ........
नीतू न्य हंसती होइ महीन को ब्लौसेस दिखानी लगी ....... जो वह पी सटटूएस पी पहनाय होय थय ............... महीन कुछ सिंपल ब्लाउज देखनी लगी ........... मगर नीतू उसका हाथ पाकर की ाग्य लय आई ........... जहाँ पी कुछ सेक्सी ब्लाउज डिस्प्ले की होय थय ..........
नीतू ....... उन मैं सी नहीं ........ इन मैं सी सेलेक्ट करनी हैं ........
महीन उनको देखनी लगी .......... उसकी आंखें फटी की फटी रह गईं ........ वह बुहत hi सेक्सी कटाई की थय ........ स्लीवलेस और बैकलेस ........ गले भी उनकी काफी डीप थय ..........
महीन ........ नीतू तुम पागल हो गए हो क्या .......... मैं कैसी यह ब्लाउज पहन सकती हों विनोद की सामन्य ..........
नीतू उसको तैसे करती होइ बोली .......... क्यों ...... क्यों नहीं पहन सकती ........ विनोद सी अपनी लेग का मस्सगे करवा सकती हो तो उसकी सामन्य यह ब्लाउज क्यों नहीं पहन सकती .............
महीन ........ पर नीतू .......
नीतू ....... सुच बताओ क्या तुम्हारी जिसम का कुछ भी हिस्सा उसकी सामन्य थोड़ा भी एक्सपोज़ नहीं होआ कभी ............
महीन न्य सर झुका लय शर्म सी ........... नीतू न्य महीन को एक ब्लाउज दया और उसी तरय करनी को बोलै ............ महीन झिझक रही थी ....... नीतू न्य उसी ट्रायल रूम मैं पुश क्या और बोली पहन की दिखाओ ..........
महीन की हालत अजीब हो रही थी ............ वह उस ब्लाउज को देखनी लगी ........... ....... कुछ देर सोचनी की बाद उसनी अपनी शर्ट उतारी ........ और फिर अपनी ब्रा भी उतार की हैंग क्र दी ............. महीन न्य वह ब्लाउज पहना .............. तो उसकी आंखें खुद hi शर्म सी झुक गईं ................. बुहत hi छोटा ब्लाउज था ........ महीन की बूब्स सी नीची बस थोड़ा हिस्सा hi था ब्लाउज का ........ मगर उसकी गूरी गूरी पेट का ज़्यादा हिस्सा नंगा हो रहा था ........ स्लीवलेस था ........... और शोल्डर पी सिर्फ तीन इंच की चोरी स्ट्रैप्स थीं ............ बैक पी भी सिर्फ उतनी hi साइज की पट्टी थी ..... उसकी इलावा उसकी साड़ी कमर नंगी हो रही थी .......... ब्लाउज का गाला काफी खुला होआ था जिस सी महीन का सीना नंगा हो रहा था ........ और उसकी बूब्स का ऊपरी हिस्सा भी ब्लाउज सी थोड़ा थोड़ा दिख रहा था .............
महीन शॉक की हालत मैं खुद को आंय मैं देख रही थी ............. मैं कैसी यह ब्लाउज पहन सकती हों विनोद की सामन्य ........... उसकी तो होश hi उड़द जैन गए ............ पर क्या सोची गए न वह मेरी बारी मैं ............. लकिन क्या उसकी जनम दिन पी यह पहन क्र उसी सुर्पीसे देना उसकी लय बुहत बारे गिफ्ट नहीं हो गए ............... मुझी इस साड़ी मैं देख क्र तो वह प्रिय को भूल hi जाय गए ............... ............ महीन शर्माती होइ मुस्कराई .............. उसकी हिम्मत नहीं हो रही थी बहार जांय की ........... इतनी मैं दूर नॉक होआ .............. और नीतू की आवाज़ आई उसको बहार अन्य को बोली ............
महीन न्य झिझकती होय दरवाज़ा खोला मगर बहार नहीं निकली ........... नीतू न्य महीन को देखा तो उसकी आंखें खुली की खुली रह गईं ........... फिर वह अपनी दिल पी हाथ रख की बिहोश होनी की एक्टिंग करनी लगी .............. उसकी इस हरकत पी महीन भी शर्माती होइ हंसनी लगी ............
नीतू ............. महीन ................ तुम तो जान लय लो गई विनोद की इस साड़ी मैं ..............
महीन .......... नीतू की बची .......... मैं कैसी यह साड़ी पहन सकती हों ........... देखो तो कितना जिसम एक्सपोज़ हो रहा है ............
नीतू मुस्कराई .......... एहि तो स्पेशल हो गए न विनोद की लय ............ जो विनोद को प्रिय की याद नहीं अन्य दी गए .................
महीन ......... लकिन नीतू ..... यह देखो सामन्य सी मेरा सुब कुछ दिख रहा है ..........
नीतू महीन को तैसे करती होइ बोली ........... तुम तो ऐसी बोल रही हो जैसी विनोद न्य कभी बी चांस भी इनको नहीं देखा हो गए घर मैं .......... हहहए
महीन शर्मा गयी ...... बुहत hi बद्तमीज़ हो तुम ............
महीन शर्मा गए ............. और दरवाज़ा बंद क्र लय ............. थोड़ी देर मैं महीन चेंज क्र की बहार निकली ............ नीतू न्य ज़बरदस्ती hi उसकी लय वही मैरून कलर की एम्ब्रॉइडेड ट्रांसपेरेंट साड़ी और वही सेक्सी लुक वाला ब्लाउज लय लय .......
नीतू बोली .... देखना तुम दोनों मैचिंग कलर की ड्रेस मैं जब बहार जाओ गए तो कितनी ाच्य लगो गए ......... बिलकुल एक कपल की तरह ........
महीन शर्मा रही थी ........ रेसिस्ट भी क्र रही थी ....... मगर दिल hi दिल मैं सोच रही थी की कैसा लगी गए विनोद को मुझी इस साड़ी मैं देख की ............... फिर दोनों मॉल सी बहार आ गईं और नीतू न्य महीन को उसकी घर चोर दया ..............