अपडेट 37
अवि: ये सब क्या हो रहा है यहाँ....
अचानक hi म अपने कमरे से बहार जम्हाई लेता हुआ aaya....use देख दोनों बाप बेटी दांग रह गए...
अवि: डीई ये आपको क्या हुआ..
दूर पर कड़ी सोनल पर नजर पड़ते hi मेरा दिल धक् से हो gaya..m तुरंत उनके पास गया और उनके माथे पर हाह रखा....
अवि; डीई आपकी बॉडी तो बहुत गरम हो रही hai...apki तबियत ठीक नहीं लग रही hai...aap अंदर चलो....
मेने डीई को काँधे से पकड़ते हुए कहा...
अवि: आप दोनों यहाँ क्या कर रहे है...
मेने डैड की और देखते हुए कहा....
डैड: woo...m....wo रिया की आवाज़ सुनकर म ऊपर देखने चला आया की क्या बात है....
डैड ने बहाना बनाते हुए kaha....mene य सुनकर रिया की और देखा....
रिया: wo...wo मुझे आज डीई के साथ सोना tha..m ऊपर आयी तो दी ने दूर लॉक किया हुआ tha..to म दूर खोलने के लिए कह रही थी इसलय शायद डैड भी यहाँ आ गए....
रिया ने भी डैड का साथ देते हुए कहा....
अवि: achha...meri भी आँख लग गयी thi...teri आवाज़ सुनी तो मेरी भी आँख खुल gayi....wese तू तो कुछ दिन से डैड के साथ सो रही है फिर दी के पास क्यों..
मेने उसपर दूसरा सवाल दागते हुए कहा...
रिया: wo..wo...mere पीरियड्स चल रहे है और डैड मानते नहीं है इसलिए....
रिया ने थूक गटकते हुए कहा....
ाव: ोकक एक काम कर तू मेरे रूम मई soja..dii की तबियत मुझे ख़राब लग रही hai...kahi रात मई उन्हें मेरी जरुरत न पद जाए इसलिए म यहाँ सो जाता हु..
मेने दूर बंद करते हुए kaha....jabki इस वक़्त डैड का चेहरा ये सुनकर लाल हो गया....
डैड: तूने तो कहा था की अवि भी सो गया था फिर वो कैसे जाग गया...
अवि के दूर बंद करने के बाद डैड ने रिया को बांह से पकड़ा और उसे मेरे रूम मई ले जाकर बोले...
रिया: मुझे क्या पता dad..wo कैसे जाग gaya..aur उसने खुद बोलै न की वो भी सो रहा था वो हमारी आवाज़े सुनकर जाएगा hai...aur ये देखिये कप भी खाली है...
रिया ने खाली कप दिखते हुए कहा....
डैड: अह्हह्ह्ह्ह ये क्या हो रहा hai...mene ये सब अपने लिए प्लान किया था न की अवि के लिए....
डैड ने अपना माथा पकड़ते हुए कहा...
रिया: हे भगवान तेरा लाख लाख शुक्र है की अवि सही वक़्त पर आ गया वर्ण म अपने आपको कभी भी माफ़ नहीं कर पाती....
रिया ने मन hi मन kaha....wo अंदर hi अंदर खुश होती है...
डैड: रिया कुछ भी कर लेकिन जल्द से जल्द अवि को वह से बहार निकाल...
डैड ने दोबारा से फिर खड़े होते हुए कहा....
रिया: डैड म उसे कैसे बहार आने के लिए bolu...use शक हो जायेगा की हम कुछ प्लान कर रहे है.... और वो वैसे भी अब दी को अकेला नहीं chhodega...mene उसकी आँखों मई डीई के लिए बहुत गहरा प्यार देखा है...
रिया ने मेरी आँखे याद करते हुए कहा.....
डैड: साला लगता है मेने अपने hi पेरो पर कुल्हाड़ी मार ली hai...aese कैसे हो सकता है की कॉफ़ी पीनी के बाद भी वो कैसे सोया नहीं है...
ये सुनकर रिया भी यही सोचने लगी...
डैड; क्या karuu......kya करू.....
डैड सोच मई डूबे हुए थे..
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यहाँ म जैसे hi दूर बंद करने के बाद पीछे muda...diii ने मुझे बहुत जोरो से हुग कर liya...m ये एक्सपेक्ट नहीं कर रहा tha...unki गरम बॉडी मुझे साफ़ फील हो रही thi..wo अपनी बॉडी मुझसे रगड़ रही thi...unki आँखे बंद थी और उनकी बांहे मेरी कमर पर कासी हुई thi..wo अपने बूब्स मेरी चेस्ट पर रगड़ रही थी...
अवि: सोना क्या हुआ dear..apko फीवर है..
मेने उनके सर पर हाथ फेरते हुए kaha...mujhe सिर्फ इस वक़्त अपनी जान की चिंता थी लेकिन मेरे लुंड को ये नहीं पता था और वो अपना आकर लेने लगा था....
सोनल: आअह्ह्ह्ह मुझी नहीं पता लेकिन मुझे बहुत अह्ह्ह अजीब सा फील हो रहा है...
दी अपने होंठ मेरी गर्दन पर लगते हुए boli..mujhe उनकी गरम साँसे साफ़ फील हो रही थी...
अवि: डीई आप पहले रिलैक्स karo...yaha बैठो....
मेने दी को अपने से अलग करना चाहा लेकिन वो अलग होना hi नहीं चाहती thi...achanak मेरा हाथ उनके पायजामे पर लगा तो वो बिलकुल गीला tha...mujjhe समझ नहीं आ रहा था की ये हो क्या रहा है.... म अभी ये सोच hi रहा था की मेरे होंठ पर दी ने अपने तपते होंठ रख दिए और उन्हें हार्डली चूसने काटने लगी...
म कुछ भी समझ नहीं पा रहा tha...saath ही साथ वो अपने बूब्स मरी छाती पर रगड़ रही thi..unke टिट्स की रगड़ मुझे साफ़ फील हो रहा थी.... मेने भी उनका साथ देना शुरू किया और म भी उनके होंठ चूसने लगा... लेकिन वो तो मानो बहुत जल्दी मई thi..unke हाथ मेरे बालो मई घूम रहे the...wo अपने नीचे का हिस्सा मेरे निचले हिस्से से रगड़ रही थी.. तभी उनका एक हाथ मेरी ज़िप पर पहुँच gaya...tab मेने होश मई आते हुए उनका हाथ पकड़ लिया...
सोनल: पलज़्ज़ज़ आवई...
तब दी ने अपने होंठ अलग करते हुए बहुत hi मदहोशी से कहा...
अवि: डीई आप रुको म आपके लिए मेडिसिन्स लेकर आता हु....
मुझे दी की हालत देख तकलीफ हो रही थी. म मुड़ने hi वाला था की दी ने मेरा हाथ पकड़ लिया....
सोनल: पलज़्ज़ज़ अवि मुझसे कण्ट्रोल नहीं हो रहा है....
दी ने ये कहते हुए अपनी टीशर्ट एक hi झटके मई उतर dii..diii के 36डी के बड़े बड़े बूब्स मेरी आँखों के सामने बिलकुल नंगे the....unka शरीर पसीने से बिलकुल भीगा हुआ tha...shayd वो अपने आपको कण्ट्रोल करने की कोसिस कर रही थी isliye...tabhi उन्होंने मेरा हाथ अपने बूब्स पर रख diya..mere शरीर मई एक सनसनी सी उठ gayi....m दी की आँखों मई देख रहा था की आखिर हुआ क्या है....
सोनल: प्ललललज़्ज़ज़ aaa...vvvviii मुझे सेक्स करना है...
आखिरकार दी ने अपनी टूटी हुई आवाज़ मई bola..ab म समझ गया की क्या बात hai...mene दी को बीएड पर बैठाया....
अवि: दी प्ल्ज़ relax...aap मुझे ये बताओ की आपको एक्साक्ट्ली हो क्या रहा है...
मेने अभी इतना hi कहा था की दी ने मुझे फिरसे कसके गले लगा liya...aur अपने नंगे बूब्स मेरी छाती मई मानो घुसना चाहती थी....
सोनल: paat...taaa nahi..mujhheee सेक्ससक्स करनी की बहुत बेचैनी हो रही hai..merre नीचे मानो हज़ारो छीटिया रेंग रही hai...m सेहन नहीं कर पा रही huuu...plzzz कुछ karrr....warna म मर जौंगीय...
डीई ने रुआंसी होकर kaha....ab म सोच मई डूब गया tha...aur फिर मेने फैसला किया.
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डैड: पता नहीं वो क्या कर रहा होगा...
डैड ने बेचैनी से चक्कर लगते हुए कहा...
रिया: डैड आप फ़िक्र न करो डीई किसी भी हाल मई उसे कुछ नहीं करने देगी....
वो उसे शांत करना चाहती थी...
डैड: तुझे नहीं पता मेने उसे नार्मल से ज्यादा दोसे दिलाई थी ताकि वो खुद hi अपने कपडे उतारकर मुझसे चुद जाए....
डैड गुस्से से दनदनाते हुए बोले...
रिया: अब कुछ नहीं हो सकता है अगर हमने कुछ किया तो अवि को पता चल जायेगा की दी की इस हालत के ज़िम्मेदार हम hai...aur फिर ये हमारे लिए अछ्हा नहीं hoga...dii इस घर को छोड़कर चली जाएगी और फिर आप कुछ नहीं कर सकते हो...
रिया डैड को शांत करते हुए बोली...
डैड: पता नहीं ये कुत्ता कॉफ़ी पीने के बाद भी कैसे जाग गया....
डैड अपना माथा पकड़ते हुए बोले..
रिया: डैड बड़ी बेटी न सही छोटी बेटी के साथ hi अपना सपना पूरा कर लीजिये....
रिया ने अपनी टीशर्ट निकलते हुए कहा...
डैड: मेरा मूड नहीं hai..m सोने जा रहा हु....
और डैड गुस्से से अपने रूम मई चले गए...
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मेने दी के होंठो से अपने होंठो को लगा liya...diii तो बर्दास्त hi नहीं कर पा रही thi...wo मेरे होंठो को काट रही thi...ab उन्होंने मेरे हाथ अपने नंगे बूब्स पर रख diye..m समझ गया और उनके बूब्स को दबाने laga..lekin वो इस से संतुस्ट नहीं हुई और मेरे हाथ पर अपना हाथ रखकर अपने बूब्स को मसलने lagi....mene भी फिर डीई के बूब्स को मसलना शुरू कर दिया.... कुछ देर बाअद मेने किश तोड़ी और दी के बड़े बड़े बूब्स को अपने मुँह मई भर liya..m उनके टिट्स को अपने मुँह मई लेकर चूसने laga..diii के हाथ मेरे बालो मई घूमने लगे the..m एक हाथ से दी के बूब्स को दबा रहा था...
सोनल: आआआहहहहहहह प्ल्ज़्ज़्ज़्ज़ ावववीई अंदर डालूओ....
सोनल दी मुझे अपने बूब्स से हटाकर boli..mene दी की बेचैनी को समझा और एक hi झटके मई अपने कपडे उतार phenke...ab म बिलकुल नंगा हो गया था.. मेरा 9 इंच का लुंड फनफना रहा था.. दी मेरे लुंड को आँखे फाड़े देख रही थी...
सोनल: itt..itna बड़ाआ....
दी ने थूक गटकते हुए kaha....mene दी को बीएड पर लिटाया और उनका पायजामा उतार diya...ab वो भी बिलकुल नंगी हो चुकी thi...dii की बिलकुल गोरी छूट चमक रही thi...ab म भी बीएड पर चढ़ा और दी की टांगो को failaya...aur मेने दी की चिकनी छूट पर अपना मुँह टिका दिया....
सोनल: aaaaahhhhhhhhhhsssssssssshhhhhhiiiiii....
दी के मुँह से एक सिसकारी nikli....mene उनकी क्लीट को अपने दांतो मई भरकर चूसना स्टार्ट कर diya...dii उत्तेजना से अपना सर पटकने लगी थी और उनके मुँह से आवाज़े निकलने जारी थी..
म अपनी जीभ को उनकी गरम होती छूट के अंदर तक घूमने की कोसिस कर रहा tha..koi 5 मिंट बाद hi डीई का शरीर अकड़ने लगा....
सोनल: ाववववीई म गेयीईईई....
और डीई मेरा सर अपनी छूट पर दबाते हुए बोली और झाड़ gayi...mene दी की छूट से निकले पानी की एक एक बूँद peli...m दी की छूट को अच्छे से चाटकर खड़ा हो gaya...to दी मदहोशी मई अपनी आँखे बंद किये हुए लेती थी...
अवि: डीई आप ठीक हो...
मेने डीई के बालो को उनके चेहरे से हटते हुए kaha...tab दी ने आँखे खोलकर मुझे देखा और झट से मुझे अपने ऊपर लिटा दिया और मेरे होंठ चूसने lagi....wo बहुत hi बेचैनी से मुझे किश करते हुए अपने हाथ मेरे शरीर पर घुमा रही thi...aur तभी उनका हाथ मेरे लुंड पर जाकर टिक gaya..mere शरीर मई मानो करंट सा दौड़ गया ho...wo मेरे लुंड को सहलाने लगी thi..kuch देर बाद वो मेरे लुंड को अपनी छूट के मुँह पर रगड़ने लगी थी.... तब मेने उनकी मनसा समझते हुए ऊपर खड़ा हुआ और उनकी टांगो को फिर से failaya...tabhi मुझे कुछ याद आया और म बीएड से निचे उतरा...
सोनल: आआआअह्ह्ह्हह ाआत्वीी पलज़्ज़ज़्ज़ज़ ड़ालड़ीई.....
दी ने लाल आँखों से मुझे kaha...tab मेने उनके ड्रेसिंग से एक टेल की बोतल uthayi...aur उसे लेकर पहले दी की छूट पर lagaya...aur फिर अपने लुंड पर अच्छे से टेल lagaya....phir मेने अपना लुंड दी के छूट के मुँह पर टिकाया और दी की और देखा...
सोनल: प्ललज़्ज़्ज़्ज़ धीरी...
दी ने आँखे बंद करते हुए kaha..mene डीई की कमर को पकड़ा और अपना लुंड प् थोड़ा दबाव बनाया... मेने तभी एक जोरदार झटका मारा और मेरा लुंड डीई की टाइट छूट के अंदर थोड़ा सा घुस gaya....aur दी के मुँह से एक सिसकारी निकलीई...
सोनल: aahhhhhhhhhhhh...
मेने देखा तो अभी मेरा सिर्फ टोपा hi अंदर घुसा था...
अवि: डीई की छूट तो बहुत टाइट है य्र्र...
मेने खुद से कहा और फिरसे दी की छूट मई एक और झटका maara..is बार मेरा आधे से ज्यादा लुंड डीई की छूट को चीरता हुआ अंदर घुस गया...
सोनल:: आह्ह्ह्हह्ह maaaaaaaaaaaa....
और डीई की दर्दनाक चीख पुरे घर मई घूम gayi..aur इस से पहले की दी शांत हो पाती मेने एक और झटका मारा और मेरा 9 इंच पूरा लुंड दी की छूट के अंदर उतर गया...
सोनल: आआअह्ह्ह्हह्ह्ह्ह माआ मरररररररगयीईईईई....
दी ने एक जोरदार चीख मारते हुए मुझे अपने ऊपर से हटाने की कोसिस की लेकिन मेने दी को टाइट पकडे rakha...dii की आँखों से आंसू आने लगे थे...
अवि; सोररीयय love...m आपको बार बर्र तकलीफ नहीं दे सकता था...
मेने दी के आंसू साफ़ करते हुए कहा जबकि दी अपनी आँखे बंद किये हुए अपने आपको स्टेबल कर रही थी. और म उनके बूब्स को सहलाने लगा ताकि वो थोड़ा रिलैक्स करे.. थोड़ी देर बाद डीई की हालत ठीक होने लगी और फिर वो अपनी कमर झटकने lagi...ab म समझ गया की दी नार्मल है.. म दी के ऊपर से उठा तो देखा की मेरे लुंड पर खून लगा है और कुछ बेडशीट पर गिरा hai..ab मेने धीरे धीरे अपना लुंड दी की छूट मई पेलना स्टार्ट कर diya...dii की छूट भट्टी की तरह से सुलग रही thi...mera लुंड उनकी छूट की दीवारों को छोड़ता हुआ बड़ी मुश्किल से अंदर घुस रहा था...
सोनल: आआआह्ह्ह्हह्ह्ह्हहीइइइइइइइशहठ...
डीई सिसकलारिया भर रही थी.....
अब मेने दी की कमर को पकड़ा और जोरदार शॉट लगाने शुरू कर diya....dii के बोओब्स हर एक झटके मई उचक रहे the...kareeb 20 मिंट तक दी को इस पोजीशन मई छोड़ने के बाद दी का शरीर ऐंठने सा लगा था और फिर वो जहर जहर करके झरने लगती hai..dii के नाखून झड़ते वक़्त मेरी पीठ मई गड चुके थे... झड़ने के बाद वो लम्बी लम्बी साँसे लेने लगी थी... हम दोनों बिलकुल पसीने से भीग हुए the...unke झाड़ जाने के बाद मेने अपना लुंड निकला और उन्हें घोड़ी बनने को kaha..wo भी तुरंत उस पोजीशन मई आ गयी... तब मेने दोबारा से अपना लुंड उनकी छूट मई daala...aur फिरसे दी के मुँह से एक चीख nikliii...phir कुछ देर रूककर मेने दी को कमर से पकड़ा और ताबड़तोड़ धक्के लगाने laga...bahut देर ऐसे hi छोड़ने के बाद हम दोनों साथ hi झड़ने lage..diii के झड़ने के बाद म उनकी पीठ पर hi देह gaya...aur हम दोनों अपनी साँसे सही करने लगते ही...
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डैड: लानत है....
डीई की चीख सुनकर डैड ने गुस्से से पॉट पर हाथ मारते हुए कहा....
रिया: लगता है अवि ने दी के साथ भी काण्ड कर दिया hai...kitna दर्द हुआ होगा दी की उस गधे का लुंड अपने अंदर लेते हुए...
दी की चीख सुनकर रिया अपने मन मई कहती hai..uska हाथ भी अपनी छूट पर चला जाता है...
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अवि; दी आप ठीक हो न....
मेने उन्हें सीधे लेटने के बाद kaha..ham दोनों बिलकुल नंगे सीधे लेते हुए the....m उनके चेहरे को सहलाता हुआ बोलै..
सोनल: उन्न्नध्ह्हह्ह....
दी ने आँखे खोलककर अपनी गर्दन uchkayi...wo मुझे अब पहले से बेहतर लग रही थी.....
ाव: आपको क्या हो गया था....
मेने दी की आँखो मई देखते हुए कहा...
सोनल: पता nahi..mere साथ कभी भी ऐसा नहीं हुआ.. मेरे शरीर मई अचानक hi बहुत बदलाव आ गया.. मेरे निचे से पानी निकलना शुरू हो gaya..mere बूब्स बहुत टाइट हो gaye..man कर रहा था की म अपने नीचे कुछ दाल लू और जोर जोर से चलौ....
दी ने आँखे झुकाते हुए कहा...
अवि; दी को आपको ये कबसे महसूस हो रहा है था...
सोनल: जबसे म घर आयी thi..wait...car मई भी ऐसा hi रहा tha....jab हम घर लौट रहे the..thankx.agar तू नहीं आता तो म शायद मर hi जाती...
दी ने मेरी और करवट बदलते हुए कहा...
ाव: थँक्स केसा यर मुझे तो आपकी हालत देख बहुत बेचैनी हो रही thi..lekin ये हुआ कैसे...
मेने सोचते हुए कहा...
सोनल: पता nahi...mujhe तो सही से ये भी याद नहीं है की लास्ट 2 घंटो मई हुआ क्या है...
दी सोचते हुए बोली...
अवि: ये तो आपको म याद करा देता hu...abse आप पूरी तरह से मेरी बीवी बन चुकी हो...
मेने स्माइल करते हुए कहा...
सोनल: ये मुझे याद है...
दी ब्लश करते हुए बोली की तभी फिर से डीई का शरीर गरम होने laga..diii ने अपनी छूट पर हाथ लगाया तो वह से फिर पानी निकलना शुरू हो चूका था.... इतना तो म समझ hi गया था की दी ने कुछ ऐसा पिया या पिलाया गया hai...dii की आँखों मई फिरसे लाल डोरे तैरने लगे the...aur दी ने फिरसे मुझे अपने से सत्ता liya...mene पूरी रात दी को पता नहीं कितनी बार छोड़ा.. वो झड़ने के बाद नार्मल हो जाती लेकिन कुछ देर बाद फिरसे गरम हो jaati...ha बस फ़र्क़ इतना था की हर बार झड़ने के baad..uttejit होने का टाइम बढ़ता जा रहा tha...mene भी पहली बार किसी को इतनी बार छोड़ा था और वो भी अपनी जान को.. मेने उन्हें उस रात हर एक पोजीशन मई छोड़ा.. वो खुद उत्तेजना मई मेरे ऊपर छाड़कर धक्के मारती thi...subah के करीब 5 बजे हम दोनों निढाल होकर सो गए.....